पटवारी बोले- हर परिवार भाजपा सरकार की नीतियों का शिकार:हरदा में कहा- पूरे प्रदेश में भ्रष्टाचार फैल गया; 9 अप्रैल को कलेक्ट्रेट घेराव का ऐलान

पीसीसी चीफ जीतू पटवारी शनिवार देर शाम हरदा पहुंचे। उन्होंने यहां किसान कांग्रेस के जिलाध्यक्ष राजेश पटेल गोयल की नर्मदा परिक्रमा के बाद आयोजित भंडारे में हिस्सा लिया। इस दौरान पटवारी ने पत्रकारों से बात करते हुए मध्य प्रदेश की मोहन सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। पटवारी ने दावा किया कि पूरे मध्य प्रदेश में भ्रष्टाचार फैल गया है। उन्होंने कहा कि ऐसा कोई परिवार नहीं बचा, जो भाजपा सरकार की नीतियों का शिकार न हुआ हो। ‘किसानों के साथ ‘षड्यंत्र’ रचने का आरोप’ उन्होंने गेहूं खरीदी में देरी को लेकर सरकार पर किसानों के साथ ‘षड्यंत्र’ रचने का आरोप लगाया। पटवारी के अनुसार, सरकार जानबूझकर गेहूं खरीदी देर से शुरू कर रही है, ताकि जरूरतमंद किसान अपना गेहूं खुले बाजार में कम दामों पर बेचने को मजबूर हों। पटवारी ने बारदाने की व्यवस्था पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि पूरे प्रदेश में गेहूं खरीदी के लिए 10 करोड़ बारदानों की आवश्यकता थी, लेकिन सरकार ने केवल ढाई करोड़ बारदानों की व्यवस्था की। उन्होंने इसे एक ‘अपराध’ बताया। 9 अप्रैल को प्रदेश भर में कलेक्ट्रेट घेरेंगे कांग्रेस नेता ने घोषणा की कि सरकार की किसान विरोधी नीतियों के खिलाफ 9 अप्रैल को पूरे प्रदेश में कलेक्ट्रेट का घेराव किया जाएगा। उन्होंने कहा कि इस प्रदर्शन के जरिए कांग्रेस सरकार का ‘असली चेहरा’ आम किसान परिवारों के सामने लाएगी। पटवारी ने कहा कि कांग्रेस का दायित्व है कि वह भाजपा को सरकार से मुक्ति दिलाए, तभी इस समस्या से निजात मिल पाएगी।
नीमच में कांग्रेस का भ्रष्टाचार के खिलाफ प्रदर्शन:महंगाई, जनविरोधी नीतियों पर राज्यपाल से की कार्रवाई की मांग

नीमच जिले के मनासा में बुधवार को जिला कांग्रेस कमेटी ने केंद्र और प्रदेश सरकार की नीतियों, बढ़ती महंगाई और स्थानीय प्रशासन की अनदेखी के खिलाफ विशाल धरना प्रदर्शन किया। जनपद पंचायत कार्यालय के बाहर आयोजित इस प्रदर्शन के बाद कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपा। नेताओं ने सरकार पर साधा निशाना सभा को संबोधित करते हुए जिला कांग्रेस अध्यक्ष तरुण बाहेती ने कहा कि वर्तमान समय में किसान, मजदूर और मध्यमवर्गीय परिवार परेशान हैं। उन्होंने खिमला स्थित ग्रीनको प्लांट की व्यवस्थाओं पर सवाल उठाते हुए वहां हुई संदिग्ध घटनाओं की निष्पक्ष जांच और पीड़ित परिवारों को मुआवजा देने की मांग की। महंगाई और बिजली बिलों को लेकर नाराजगी बाहेती ने बिजली बिलों में वृद्धि, रसोई गैस की कमी और पेट्रोल-डीजल के बढ़ते दामों को आम लोगों के लिए बड़ी समस्या बताया। उन्होंने स्थानीय प्रशासन पर अवैध कॉलोनियों को संरक्षण देने और विकास शुल्क में गड़बड़ी के आरोप भी लगाए। साथ ही, ओलावृष्टि से हुए नुकसान का मुआवजा देने और सहकारी सोसायटियों में ऋण जमा करने की समय सीमा बढ़ाने की मांग भी की गई। अन्य नेताओं ने भी उठाए मुद्दे प्रदर्शन के दौरान पूर्व जिलाध्यक्ष अनिल चौरसिया ने ऊर्जा संकट के लिए केंद्र सरकार को जिम्मेदार ठहराया। प्रदेश सचिव सोमिल नाहटा ने प्रदेश में बढ़ते कर्ज को लेकर चिंता जताई। वहीं, वरिष्ठ नेता मंगेश संघई और ब्लॉक अध्यक्ष श्याम सुरेंद्र सोनी ने किसानों की समस्याओं और नगर की मूलभूत सुविधाओं को लेकर प्रशासन की आलोचना की। रैली निकालकर सौंपा ज्ञापन सभा के बाद कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने आक्रोश रैली निकाली। नारेबाजी करते हुए कार्यकर्ता एसडीएम कार्यालय पहुंचे और राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपा। इस दौरान बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी, किसान और स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।
अनूपपुर में कांग्रेस का महंगाई, ईंधन कमी पर प्रदर्शन:हाथ ठेले पर बाइक-सिलेंडर रखकर जताया विरोध, कहा- गलत नीतियों से जनता परेशान

अनूपपुर जिला मुख्यालय में सोमवार को जिला कांग्रेस कमेटी ने पेट्रोल-डीजल की कमी और बढ़ती महंगाई के खिलाफ जमकर प्रदर्शन किया। जिला अध्यक्ष गुड्डू चौहान की अगुवाई में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने इंदिरा तिराहे से स्टेशन चौक तक रैली निकाली। प्रदर्शन के दौरान अनोखा नजारा देखने को मिला, जब कार्यकर्ताओं ने हाथ ठेले पर मोटरसाइकिल और गैस सिलेंडर रखकर केंद्र और राज्य सरकार की नीतियों के प्रति अपना गुस्सा जाहिर किया। कांग्रेस कार्यकर्ताओं का कहना था कि सरकार की गलत नीतियों की वजह से जनता बेहाल है। महंगाई और किल्लत से जनता परेशान जिला अध्यक्ष गुड्डू चौहान ने कहा कि पेट्रोल, डीजल और रसोई गैस के दाम लगातार बढ़ रहे हैं और इनकी कमी ने लोगों की मुसीबतें और बढ़ा दी हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि महंगाई सातवें आसमान पर है, जिससे गरीब और मध्यम वर्ग के लिए घर चलाना मुश्किल हो गया है। बिजली के बढ़ते बिलों पर भी घेरा कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने केवल पेट्रोल-डीजल ही नहीं, बल्कि बिजली की बढ़ती कीमतों का भी विरोध किया। उनका कहना था कि एक तरफ तो लोग तेल और गैस के दामों से परेशान हैं, वहीं दूसरी तरफ सरकार बिजली महंगी करके जनता पर दोहरी मार मार रही है। तहसीलदार को सौंपा ज्ञापन रैली के आखिर में स्टेशन चौक पर कलेक्टर के नाम एक ज्ञापन नायब तहसीलदार को सौंपा गया। इसमें मांग की गई कि पेट्रोलियम पदार्थों की सप्लाई ठीक की जाए और बढ़ती कीमतों पर लगाम लगाकर जनता को राहत दी जाए। इस मौके पर पूर्व विधायक मनोज अग्रवाल समेत कांग्रेस के कई बड़े नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
महंगाई, किल्लत पर कांग्रेस का प्रदर्शन:पन्ना के अजयगढ़ चौराहे पर धरना; केंद्र और राज्य सरकार की नीतियों के खिलाफ नारेबाजी

पन्ना में बढ़ती महंगाई, गैस सिलेंडर के दामों में वृद्धि और बिजली-ईंधन की किल्लत के विरोध में कांग्रेस ने प्रदर्शन किया। सोमवार को जिला कांग्रेस कमेटी और ब्लॉक कांग्रेस पन्ना ने अजयगढ़ चौराहे पर यह प्रदर्शन आयोजित किया। इस दौरान केंद्र और राज्य सरकार की नीतियों के खिलाफ नारेबाजी की गई। कांग्रेस जिलाध्यक्ष अनीस खान ने बताया कि प्रदर्शन के मुख्य मुद्दे रसोई गैस की बढ़ती कीमतें, बिजली के बिलों में वृद्धि और अघोषित कटौती थे। उन्होंने पेट्रोल-डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी और उनकी अपर्याप्त उपलब्धता पर भी चिंता व्यक्त की। कांग्रेस ने सरकार पर बुनियादी सुविधाओं की कमी और महंगाई को नियंत्रित करने में विफल रहने का आरोप लगाया। सरकार जनता की समस्याओं पर गंभीर नहीं कांग्रेस जिलाध्यक्ष अनीस खान ने प्रदर्शन को संबोधित करते हुए कहा कि सरकार आम जनता की समस्याओं के प्रति गंभीर नहीं है। उन्होंने बताया कि यह विरोध प्रदर्शन केवल जिला मुख्यालय तक सीमित नहीं है, बल्कि जिले के सभी 10 ब्लॉकों में भी व्यापक स्तर पर आयोजित किया जा रहा है। इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी, कार्यकर्ता और स्थानीय नागरिक शामिल हुए, जिन्होंने महंगाई कम करने और आपूर्ति व्यवस्था को दुरुस्त करने की मांग की। प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने खाली गैस सिलेंडरों को सामने रखकर उन्हें माला पहनाई। इस प्रतीकात्मक विरोध के माध्यम से उन्होंने यह संदेश दिया कि रसोई गैस की कीमतें इतनी बढ़ गई हैं कि आम आदमी के लिए गैस का उपयोग करना मुश्किल हो गया है। प्रदर्शन की अन्य तस्वीरें…
गुजरात दौरे पर जाएंगे राहुल गांधी:वडोदरा में आदिवासी अधिकार संवाद कार्यक्रम में शामिल होकर सरकार की नीतियों पर करेंगे चर्चा

राहुल गांधी सोमवार को वडोदरा में ‘आदिवासी अधिकार संवाद’ कार्यक्रम में भाग लेंगे। इस सम्मेलन में आदिवासी क्षेत्रों से संबंधित मुद्दों पर चर्चा करने के लिए लगभग 1,000 आदिवासी डॉक्टर, इंजीनियर, गैर सरकारी संगठन (NGO) के सदस्य, कार्यकर्ता और बुद्धिजीवी शामिल होंगे। कार्यक्रम का उद्देश्य आदिवासी समाज के अधिकारों के लिए लड़ाई तेज करना, सरकारी नौकरियों में प्रतिनिधित्व और मनरेगा व अन्य योजनाओं में कथित अनियमितताओं पर चर्चा करना है। आगामी स्थानीय निकाय चुनावों और 2027 के गुजरात विधानसभा चुनाव के मद्देनजर यह दौरा कांग्रेस के लिए काफी अहम माना जा रहा है। सम्मेलन के बाद, राहुल गांधी पार्टी के राज्य नेतृत्व के साथ भी बैठक कर चुनावी तैयारियों की समीक्षा कर सकते हैं। गुजरात कांग्रेस के नेता अमित चावडा ने कहा कि राहुल गांधी दोपहर 2 बजे वडोदरा एयरपोर्ट पहुंचेंगे और करीब एक घंटे बाद अजवा रोड स्थित पंडित दीनदयाल उपाध्याय सभागार में होने वाले कार्यक्रम में शामिल होंगे। यहां गुजरात के विभिन्न क्षेत्रों से आदिवासी कार्यकर्ता और बुद्धिजीवी शामिल होंगे। आदिवासी संस्कृति, शिक्षा और वनाधिकार कानून (Forest Rights Act) जैसे मुद्दों पर भी चर्चा होगी। शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और सामाजिक उत्थान से जुड़े कार्यकर्ता पैनल डिस्कशन में भाग लेंगे। इसी महीने हो सकता है निकाय चुनाव का ऐलान गुजरात में नगर निगम और जिला पंचायत चुनावों की घोषणा होने वाली है। राज्य विधानसभा का सत्र 25 मार्च को खत्म हो जाएगा। इसके बाद 26 मार्च गुजरात राज्य चुनाव आयोग लोकल बॉडी चुनावों के लिए शेड्यूल का ऐलान कर सकता है। इससे पहले राहुल गांधी पिछले साल 12 सितंबर को जूनागढ़ पहुंचे थे, तब उन्होंनें सभी जिला अध्यक्षों के कार्यक्रम को संबोधित किया था। निकाय चुनाव के मद्देनजर राहुल गांधी के दौरे के बाद कांग्रेस के कुछ अन्य नेताओं के बीच गुजरात आने की संभावना व्यक्त की जा रही है। देश में आंदोलन की शुरुआत गुजरात से होगी: चावडा कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अमित चावड़ा ने कहा कि देश में लोगों के संवैधानिक अधिकारों का हनन हो रहा है। हर तरफ से अतिक्रमण हो रहा है। सरकार रक्षा करने के बजाय समर्थन कर रही है। आदिवासी समुदाय के जल और वन भूमि के अधिकार छीने जा रहे हैं। आज भी आदिवासी क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं की कमी है। आज भी आदिवासियों के साथ दुर्व्यवहार किया जा रहा है। विकास बजट में भी भारी भेदभाव है। आदिवासियों के नाम पर आवंटित बजट में भ्रष्टाचार है। गुजरात में आदिवासी समुदाय के लोग विभिन्न मुद्दों पर संघर्ष कर रहे हैं। यह समुदाय वर्तमान में संघर्षरत है। राहुल गांधी गुजरात के आदिवासी बहुल इलाकों में संघर्ष कर रहे युवाओं, महिलाओं, कार्यकर्ताओं और स्वयंसेवी संगठनों के लोगों से सीधे संवाद करने के लिए गुजरात आ रहे हैं। गुजरात से ही देश में आदिवासी समुदाय के लिए आंदोलन की शुरुआत होगी। ———————— गुजरात से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… गुजरात में UCC की तैयारी:समिति ने CM भूपेंद्र पटेल को रिपोर्ट सौंपी, 24 मार्च को पेश हो सकता है विधेयक उत्तराखंड के बाद अब गुजरात में भी जल्द यूनिफॉर्म सिविल कोड यानी समान नागरिक संहिता (UCC) लागू हो सकता है। यूसीसी के लिए गठित समिति ने मंगलवार को मुख्यमंत्री को अपनी अंतिम रिपोर्ट सौंप दी है। समिति ने विभिन्न मुद्दों पर विस्तृत अध्ययन के बाद इसने अंतिम सिफारिशों सहित अपनी रिपोर्ट पेश की है। पूरी खबर पढ़ें…
आदिरंग महोत्सव में भीली गायन, गणगौर नृत्य की प्रस्तुति:3 दिनी समारोह का आज समापन, केंद्रीय मंत्री सावित्री ठाकुर करेंगी शिरकत

खंडवा जिले के नया हरसूद (छनेरा) के स्टेडियम ग्राउंड में जनजातीय नृत्य, संगीत एवं शिल्प कलाओं पर आधारित तीन दिवसीय “आदिरंग” महोत्सव के दूसरे दिन शनिवार रात देशभर की लोक संस्कृति की प्रस्तुतियां दी गईं। कार्यक्रम में केंद्रीय जनजातीय कार्य राज्यमंत्री दुर्गादास उइके और प्रदेश के जनजातीय कार्य मंत्री डॉ. कुंवर विजय शाह ने जनजातीय महापुरुषों के योगदान और समाज के विकास पर बात की। उड़ीसा के ढीमसा सहित कई लोक नृत्यों ने दर्शकों का मन मोहा। महोत्सव का समापन आज (रविवार) मध्यप्रदेश की महिला एवं बाल विकास मंत्री निर्मला भूरिया और केंद्रीय मंत्री सावित्री ठाकुर की उपस्थिति में होगा। केंद्रीय मंत्री बोले- गौरव दिवस मनाने का निर्णय ऐतिहासिक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए केंद्रीय जनजातीय कार्य राज्यमंत्री दुर्गादास उइके ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार जनजातीय समाज के विकास के लिए लगातार कार्य कर रही हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा भगवान बिरसा मुंडा की जयंती को “जनजाति गौरव दिवस” के रूप में मनाने का निर्णय ऐतिहासिक है। साथ ही उन्होंने स्वतंत्रता संग्राम में बिरसा मुंडा, टंट्या भील, शंकर शाह और रघुनाथ शाह के योगदान को याद किया। मंत्री शाह ने जताया आभार प्रदेश के जनजातीय कार्य मंत्री डॉ. कुंवर विजय शाह ने कहा कि “आदिरंग” महोत्सव के माध्यम से विभिन्न जनजातियों की समृद्ध कला और संस्कृति को एक मंच मिल रहा है। उन्होंने छनेरा जैसे छोटे नगर में राज्य स्तरीय आयोजन की स्वीकृति के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का आभार जताया। विधायक कंचन तन्वे सहित अन्य जनप्रतिनिधियों ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया। उड़ीसा के ढीमसा और बरेदी नृत्य की प्रस्तुतियां महोत्सव के दूसरे दिन भीली गायन, गणगौर नृत्य, ढीमसा नृत्य, लहंगी नृत्य, बरेदी नृत्य, सौंगी मुखौटा और भवाड़ा नृत्य जैसी आकर्षक प्रस्तुतियां दी गईं। इनमें उड़ीसा के कलाकारों द्वारा प्रस्तुत ढीमसा लोक नृत्य ने विशेष रूप से दर्शकों की खूब तालियां बटोरीं। समापन समारोह में शामिल होंगी मंत्री महोत्सव का समापन आज रविवार को होगा। समापन समारोह में मध्यप्रदेश की महिला एवं बाल विकास मंत्री निर्मला भूरिया मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगी। वहीं केंद्रीय मंत्री सावित्री ठाकुर भी विशेष रूप से कार्यक्रम में शिरकत करेंगी। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार मंत्री भूरिया दोपहर में खंडवा पहुंचकर स्थानीय संस्थाओं का निरीक्षण करेंगी और दादाजी धूनी वाले मंदिर में दर्शन करेंगी। इसके बाद शाम को छनेरा में आयोजित समापन समारोह में भाग लेंगी।
20 लाख श्रद्धालुओं ने करीला धाम में किए दर्शन:2 दिन आस्था का सैलाब उमड़ा, रातभर चलता रहा राई नृत्य

अशोकनगर जिले के मां जानकी धाम करीला में रंग पंचमी के अवसर पर तीन दिवसीय मेले का आयोजन किया गया। मेले के पहले और दूसरे दिन लगभग 20 लाख श्रद्धालुओं ने माता जानकी के दर्शन किए। आज मेले का तीसरा और आखिरी दिन है, हालांकि अब ज्यादातर श्रद्धालु वापस लौट रहे हैं। जानें वालों की संख्या काफी कम रहती है। रंग पंचमी की सुबह से ही श्रद्धालुओं की भीड़ बढ़ने लगी थी। दोपहर तक मेला परिसर पूरी तरह से भर गया। मंदिर की कतारों में भी भक्तों की लंबी लाइनों में माता के दर्शन करते हुए आगे बढ़ते रहे। पहाड़ी के ऊपर का पूरा स्थान 24 घंटे जनसैलाब से भरा रहा, जहां भक्तों का लगातार आना-जाना लगा रहा। सुबह से रात तक चलता है राई नृत्य करीला की पहाड़ी पर रंग पंचमी को सुबह से लेकर अगली सुबह तक राई नृत्य का आयोजन चलता रहा। रात के समय रोशनी से सजी पहाड़ी और मेले की जगमगाती लाइटें इसकी सुंदरता बढ़ा रही थीं। रात में सबसे अधिक राई नृत्य हुए, जिसमें पहाड़ी के अलावा नीचे किनारे के खेतों में भी विभिन्न स्थानों पर स्टेज लगाकर उन लोगों ने बधाई राई नृत्य करवाए जिनकी मन्नतें पूरी हुई थीं। 1700 पुलिसकर्मी सुरक्षा में तैनात मेले की व्यवस्थाओं को देखते हुए लगभग 1700 पुलिस जवान तैनात किए गए थे, जिन्होंने लगातार मोर्चा संभाले रखा। प्रशासनिक अधिकारी भी पूरी तरह मुस्तैद रहे। कलेक्टर साकेत मालवीय, पुलिस अधीक्षक राजीव कुमार मिश्रा, एसडीओपी इसरार खान, मुंगावली थाना प्रभारी अरविंद सिंह कछवाह और बहादुरपुर थाना प्रभारी नीलम यादव लगातार व्यवस्थाओं का जायजा लेते रहे। सभी अधिकारी लगातार मेला परिसर मंदिर परिसर सहित सभी सेक्टरों का पैदल भ्रमण का जायजा लेते रहे। अधिकारियों की मुस्तैदी और बेहतर प्रशासनिक व्यवस्था के चलते लाखों की संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने के बावजूद मेला दो दिनों तक शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुआ।
मीनाक्षी शेषाद्री बोलीं- शास्त्रीय नृत्य गांव तक ले जाऊंगी:30 साल बाद खरगोन में दूसरी पारी का ऐलान; कहा- भविष्य को लेकर बहुत उत्सुक

फिल्म अभिनेत्री मीनाक्षी शेषाद्री शनिवार शाम 5:30 बजे खरगोन पहुंची। वे नवग्रह मेले के समापन पर शास्त्रीय शास्त्री नृत्य प्रस्तुति में शामिल हो रही हैं। खरगोन पहुंचने पर 90 के दशक की मशहूर अभिनेत्री मीनाक्षी ने कहा कि वह बॉलीवुड में 30 साल के ब्रेक के बाद अपनी दूसरी पारी के लिए तैयार हैं। भरतनाट्यम थोड़ा मुश्किल जरूर है लेकिन इस विशेष तरीके से किया जाए तो गांव तक के लोग आसानी से समझ सकते हैं। वे लेवल 1 व लेवल 2 सिटी से लेकर हिंदुस्तान के गांव तक शास्त्रीय संगीत को पहुंचाना चाहती है। खरगोन से इसकी शुरुआत कह सकते हैं। उन्होंने कहा कि मैं एक ऐसे परिवार में जन्मी जहां संगीत, नृत्य, अभिनय, शास्त्रीय ज्ञान व संस्कृत प्रचलित रहा। उसे वजह से मैं चलने से पहले नृत्य करना सीख लिया। मेरी मां ही मेरी गुरु थी भरतनाट्यम शैली में। शादी कर USA चली गईं थी पूर्व मिस इंडिया मीनाक्षी ने बताया दिल्ली में जब स्कूल की 12वीं कक्षा में थी तब मजाक में ब्यूटी कॉन्टेस्ट में भाग ले लिया था आश्चर्य की बात थी कि मिस इंडिया भी चुन ली गई। उसके बाद पीछे मुड़कर नहीं देखा। फौरन कई फिल्म भी ऑफर हो गई। मेरे पापा अंग्रेजी में समझाते थे सक्सेस इस एपीसी। ए मतलब एबिलिटी यानी योग्यता। बी यानी ब्रेक। यानी अपॉर्चुनिटी का सही दरवाजे से दस्तक देना। सी मतलब करेज यानी आत्म शक्ति, आत्मविश्वास व बड़ी शक्ति में विश्वास। मेरे सफर में यह तीन बातें सम्मिलित थी। 80-90 के दशक में 80 से 90 फिल्में की थी जिसमें हिंदी भाषा के अलावा तमिल तेलुगू की फिल्में भी शामिल हैं। उसके बाद शादी कर USA चली गई। 30 साल के गैप के बाद मैं भविष्य को लेकर उत्सुक हूं। दामिनी एक फिल्म है और मैंने उसमें दामिनी का पात्र किया। फिल्म में जो बताया गया आज भी हिंदुस्तान में वह हावी है। इसका दमन जरूरी है। महिलाओं को साहस दिखाने की आवश्यकता है और यह भारत है जहां शक्ति रूप से संसार रचा गया। शक्ति रूप से ही ठीक किया जा सकता है। मुझे अश्लीलता पसंद नहीं है। मैं वैसे ही पत्र निभाउं जो परिवार के साथ देख सकूं। शॉर्टकट से सक्सेस पर उन्होंने कहा, आज घोर कलयुग है। लक्ष्मी को शॉर्टकट से पा सकते हैं लेकिन सत्य की राह ही सही लक्ष्मी है। परिवर्तन का दौर है। सोशल मीडिया की वजह से बड़े भी फिल्में भी नहीं चल रही है।








