धुरंधर एक्टर राकेश बेदी संभालेंगे आरसीएल की कप्तानी:भूख के खिलाफ क्रिकेट से बदलाव की पहल, अब हर रन भरेगा भूखों की थाली

बॉलीवुड की महफिल सजी, सितारे जुटे और चर्चा क्रिकेट की हुई, लेकिन इस बार मामला सिर्फ चौके-छक्कों का नहीं है। अभिनेता राकेश बेदी क्रिकेट के मैदान पर कप्तानी करेंगे और उनके हर रन का कनेक्शन जरूरतमंद की थाली से होगा। आरसीएल सीजन-4 में क्रिकेट, मनोरंजन और सामाजिक सरोकार का मेल देखने को मिलेगा, जहां जीत सिर्फ ट्रॉफी की नहीं, बल्कि किसी की भूख मिटाने की भी होगी। मुंबई में मनोरंजन जगत के सितारों की मौजूदगी में रेस्तरां क्रिकेट लीग यानी आरसीएल सीजन-4 का ऐलान हुआ। आमतौर पर कलाकार फिल्मों, शूटिंग या नए प्रोजेक्ट से जुड़कर सुर्खियों में आते हैं, लेकिन इस बार कहानी अलग है। अभिनेता राकेश बेदी अब कैमरे के सामने अभिनय के साथ क्रिकेट मैदान पर भी कप्तानी करते नजर आएंगे। फिल्म ‘धुरंधर’ से चर्चा में आए बेदी आरसीएल सुपरस्टार्स-11 की कमान संभालेंगे। लेकिन इस लीग की कहानी सिर्फ सितारों, बल्ले और चौकों-छक्कों तक सीमित नहीं है। आरसीएल सीजन-4 को ‘भूख मुक्त भारत’ अभियान से जोड़ा गया है। अक्टूबर में नई दिल्ली में होने वाली प्रतियोगिता का खास संदेश है-‘10 रन = 100 भोजन’। यानी मैदान पर बनाए गए हर 10 रन सिर्फ स्कोरबोर्ड नहीं बढ़ाएंगे, बल्कि 100 जरूरतमंद लोगों तक भोजन पहुंचाने की कोशिश भी करेंगे। इस बार बल्लेबाज के बल्ले से निकला हर रन किसी की थाली तक पहुंचने वाली उम्मीद बनेगा। आरसीएल और ‘भूख मुक्त भारत’ अभियान के संस्थापक अरविंद कुमार ने कहा कि इस पहल की शुरुआत क्रिकेट की लोकप्रियता का इस्तेमाल समाज के लिए करने की सोच के साथ हुई। उनका कहना है कि एक तरफ लाखों लोग पर्याप्त भोजन के लिए संघर्ष कर रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ बड़ी मात्रा में खाने योग्य भोजन बर्बाद हो जाता है। ऐसे में भोजन कूड़ेदान में जाने के बजाय जरूरतमंद की थाली तक पहुंचना चाहिए। किसानों से लेकर बधिर महिला क्रिकेट टीम तक मैदान में आरसीएल सीजन-4 में समाज के अलग-अलग वर्गों और क्षेत्रों की टीमें हिस्सा लेंगी। इनमें ट्रांसजेंडर लोगों की टीम, भारतीय महिला बधिर क्रिकेट टीम, किसानों, प्रभावशाली व्यक्तित्वों, रसोइयों, दिल्ली पुलिस और दिल्ली पब्लिक स्कूल इंदिरापुरम की टीमें शामिल हैं। नेपाल से शेफ रत्ना तामांग के नेतृत्व में दोस्तों की टीम भी प्रतियोगिता का हिस्सा बनेगी। पूर्व भारतीय क्रिकेटर अतुल वासन भी इस पहल से जुड़े हैं। उन्होंने कहा कि आरसीएल की सबसे बड़ी खासियत इसका सामाजिक उद्देश्य है। क्रिकेट में आमतौर पर रन, रिकॉर्ड और औसत की चर्चा होती है, लेकिन यहां हर रन जरूरतमंद के लिए भोजन का माध्यम बन सकता है। किसान प्रभावशाली व्यक्तित्व जुगाड़ू कमलेश ने बताया कि भारतीय गांवों के किसान भी इस बार क्रिकेट के मैदान पर उतरेंगे। उनका कहना है कि किसान देश का पेट भरता है और अब वही किसान भूख के खिलाफ इस अभियान का हिस्सा बनकर खेलेंगे। कार्यक्रम में अभिनेता रजा मुराद, सुनील पाल, बिंदू दारा सिंह, शाहबाज खान और अरुण बख्शी समेत फिल्म जगत से जुड़े कई लोग मौजूद रहे। आरसीएल सीजन-4 का उद्देश्य केवल प्रतियोगिता जीतना नहीं है। आयोजकों के मुताबिक इस बार मैदान पर बनाए जाने वाले रन भूख, भोजन की बर्बादी और सामाजिक जिम्मेदारी के खिलाफ संदेश भी देंगे। इस मुकाबले में असली जीत तब होगी, जब क्रिकेट के जरिए ज्यादा से ज्यादा जरूरतमंदों की थाली तक भोजन पहुंचेगा।
धुरंधर एक्टर राकेश बेदी संभालेंगे आरसीएल की कप्तानी:भूख के खिलाफ क्रिकेट से बदलाव की पहल, अब हर रन भरेगा भूखों की थाली

बॉलीवुड की महफिल सजी, सितारे जुटे और चर्चा क्रिकेट की हुई, लेकिन इस बार मामला सिर्फ चौके-छक्कों का नहीं है। अभिनेता राकेश बेदी क्रिकेट के मैदान पर कप्तानी करेंगे और उनके हर रन का कनेक्शन जरूरतमंद की थाली से होगा। आरसीएल सीजन-4 में क्रिकेट, मनोरंजन और सामाजिक सरोकार का मेल देखने को मिलेगा, जहां जीत सिर्फ ट्रॉफी की नहीं, बल्कि किसी की भूख मिटाने की भी होगी। मुंबई में मनोरंजन जगत के सितारों की मौजूदगी में रेस्तरां क्रिकेट लीग यानी आरसीएल सीजन-4 का ऐलान हुआ। आमतौर पर कलाकार फिल्मों, शूटिंग या नए प्रोजेक्ट से जुड़कर सुर्खियों में आते हैं, लेकिन इस बार कहानी अलग है। अभिनेता राकेश बेदी अब कैमरे के सामने अभिनय के साथ क्रिकेट मैदान पर भी कप्तानी करते नजर आएंगे। फिल्म ‘धुरंधर’ से चर्चा में आए बेदी आरसीएल सुपरस्टार्स-11 की कमान संभालेंगे। लेकिन इस लीग की कहानी सिर्फ सितारों, बल्ले और चौकों-छक्कों तक सीमित नहीं है। आरसीएल सीजन-4 को ‘भूख मुक्त भारत’ अभियान से जोड़ा गया है। अक्टूबर में नई दिल्ली में होने वाली प्रतियोगिता का खास संदेश है-‘10 रन = 100 भोजन’। यानी मैदान पर बनाए गए हर 10 रन सिर्फ स्कोरबोर्ड नहीं बढ़ाएंगे, बल्कि 100 जरूरतमंद लोगों तक भोजन पहुंचाने की कोशिश भी करेंगे। इस बार बल्लेबाज के बल्ले से निकला हर रन किसी की थाली तक पहुंचने वाली उम्मीद बनेगा। आरसीएल और ‘भूख मुक्त भारत’ अभियान के संस्थापक अरविंद कुमार ने कहा कि इस पहल की शुरुआत क्रिकेट की लोकप्रियता का इस्तेमाल समाज के लिए करने की सोच के साथ हुई। उनका कहना है कि एक तरफ लाखों लोग पर्याप्त भोजन के लिए संघर्ष कर रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ बड़ी मात्रा में खाने योग्य भोजन बर्बाद हो जाता है। ऐसे में भोजन कूड़ेदान में जाने के बजाय जरूरतमंद की थाली तक पहुंचना चाहिए। किसानों से लेकर बधिर महिला क्रिकेट टीम तक मैदान में आरसीएल सीजन-4 में समाज के अलग-अलग वर्गों और क्षेत्रों की टीमें हिस्सा लेंगी। इनमें ट्रांसजेंडर लोगों की टीम, भारतीय महिला बधिर क्रिकेट टीम, किसानों, प्रभावशाली व्यक्तित्वों, रसोइयों, दिल्ली पुलिस और दिल्ली पब्लिक स्कूल इंदिरापुरम की टीमें शामिल हैं। नेपाल से शेफ रत्ना तामांग के नेतृत्व में दोस्तों की टीम भी प्रतियोगिता का हिस्सा बनेगी। पूर्व भारतीय क्रिकेटर अतुल वासन भी इस पहल से जुड़े हैं। उन्होंने कहा कि आरसीएल की सबसे बड़ी खासियत इसका सामाजिक उद्देश्य है। क्रिकेट में आमतौर पर रन, रिकॉर्ड और औसत की चर्चा होती है, लेकिन यहां हर रन जरूरतमंद के लिए भोजन का माध्यम बन सकता है। किसान प्रभावशाली व्यक्तित्व जुगाड़ू कमलेश ने बताया कि भारतीय गांवों के किसान भी इस बार क्रिकेट के मैदान पर उतरेंगे। उनका कहना है कि किसान देश का पेट भरता है और अब वही किसान भूख के खिलाफ इस अभियान का हिस्सा बनकर खेलेंगे। कार्यक्रम में अभिनेता रजा मुराद, सुनील पाल, बिंदू दारा सिंह, शाहबाज खान और अरुण बख्शी समेत फिल्म जगत से जुड़े कई लोग मौजूद रहे। आरसीएल सीजन-4 का उद्देश्य केवल प्रतियोगिता जीतना नहीं है। आयोजकों के मुताबिक इस बार मैदान पर बनाए जाने वाले रन भूख, भोजन की बर्बादी और सामाजिक जिम्मेदारी के खिलाफ संदेश भी देंगे। इस मुकाबले में असली जीत तब होगी, जब क्रिकेट के जरिए ज्यादा से ज्यादा जरूरतमंदों की थाली तक भोजन पहुंचेगा।
Tata Trust Vice Chairman Vijay Singh Resigns

नई दिल्ली7 मिनट पहले कॉपी लिंक कल की बड़ी खबर प्लास्टिक नोटों से जुड़ी रही। सरकार ने 10 और 20 रुपए के पॉलीमर बैंक नोट के फील्ड ट्रायल को मंजूरी दे दी है। दोनों के 100-100 करोड़ पॉलीमर यानी प्लास्टिक नोट जारी किए जाएंगे। वहीं टाटा ग्रुप की होल्डिंग कंपनी टाटा संस पर कंट्रोल रखने वाले दो मुख्य ट्रस्टों में शामिल सर रतन टाटा ट्रस्ट यानी SRTT के वाइस चेयरमैन विजय सिंह ने इस्तीफा दे दिया है। कल की बड़ी खबर से पहले आज की ये सुर्खियां… शेयर बाजार में आज तेजी देखने को मिल सकती है। जुलाई के रिटेल महंगाई के आंकड़े जारी किए जाएंगे। पेट्रोल-डीजल की कीमत में आज कोई बदलाव नहीं हुआ। अब कल की बड़ी खबरें पढ़ें… 1. 10 और 20 रुपए के प्लास्टिक नोटों को मंजूरी: वित्त मंत्री बोलीं- ट्रायल में दोनों के 100-100 करोड़ नोट छपेंगे, ये 30 साल तक चलेंगे सरकार ने 10 और 20 रुपए के पॉलीमर बैंक नोट के फील्ड ट्रायल को मंजूरी दे दी है। दोनों के 100-100 करोड़ पॉलीमर यानी प्लास्टिक नोट जारी किए जाएंगे। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने मंगलवार को राज्यसभा में लिखित जवाब में यह जानकारी दी। RBI ने 10 और 20 रुपए के 100-100 करोड़ पॉलीमर नोटों के फील्ड ट्रायल का प्रस्ताव दिया था। ट्रायल सफल होने के बाद इन दोनों के पॉलीमर नोट नियमित रूप से जारी किए जाएंगे। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 2. टाटा-ग्रुप के मुख्य ट्रस्ट SRTT से विजय सिंह का इस्तीफा: 14 अगस्त को खत्म हो रहा कार्यकाल; सर दोराबजी टाटा ट्रस्ट में बने रहेंगे टाटा ग्रुप की होल्डिंग कंपनी टाटा संस पर कंट्रोल रखने वाले दो मुख्य ट्रस्टों में शामिल सर रतन टाटा ट्रस्ट यानी SRTT के वाइस चेयरमैन विजय सिंह ने इस्तीफा दे दिया है। पूर्व रक्षा सचिव विजय सिंह का वर्तमान कार्यकाल 14 अगस्त को समाप्त हो रहा है और उन्होंने अगला कार्यकाल न लेने का फैसला किया है। हालांकि, वे टाटा ग्रुप के दूसरे मुख्य ट्रस्ट सर दोराबजी टाटा ट्रस्ट यानी SDTT में ट्रस्टी के पद पर बने रहेंगे। टाटा ट्रस्ट्स- SRTT और SDTT के पास टाटा संस की लगभग 66% हिस्सेदारी है। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 3. F&O ट्रेडिंग में रिटेल-निवेशकों का लॉस घटकर ₹91,685 करोड़ हुआ: सेबी के सख्त नियमों का असर; हर निवेशक का औसत नुकसान बढ़कर ₹1.16 लाख पहुंचा भारतीय शेयर बाजार के इक्विटी डेरिवेटिव्स यानी F&O सेगमेंट में रिटेल निवेशकों को होने वाला कुल घाटा वित्त वर्ष 2025-26 में घटकर 91,685 करोड़ रुपए पर आ गया है। वित्त वर्ष 2024-25 में यह आंकड़ा 1.12 लाख करोड़ रुपए था। वित्त मंत्रालय ने 11 अगस्त को संसद को यह अहम जानकारी दी है। मार्केट रेगुलेटर सेबी की ओर से F&O सेगमेंट में जोखिम कम करने के लिए उठाए गए कई कड़े और नए कदमों के बाद रिटेल निवेशकों के घाटे में यह गिरावट दर्ज की गई है। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 4. अमेरिकी कोर्ट से अडाणी का केस खारिज: 2 साल पहले दर्ज हुआ था; भारतीय अधिकारियों को रिश्वत देने, अमेरिकी निवेशकों से धोखाधड़ी के आरोप थे अमेरिकी अदालत ने सोमवार को गौतम अडाणी के खिलाफ चल रहा रिश्वत और धोखाधड़ी का केस खारिज कर दिया। ब्रुकलिन की अमेरिकी जिला अदालत के जज निकोलस गारौफिस ने केस खत्म करने की अमेरिकी न्याय विभाग की मांग मंजूर कर ली। गौतम अडाणी पर 2024 में भारतीय सरकारी अधिकारियों को रिश्वत देने पर सहमति जताने का आरोप लगा था। यह भी कहा गया कि रिश्वत के जरिए अडाणी ग्रुप की एक कंपनी को सोलर एनर्जी प्लांट का ठेका दिलाने की कोशिश की गई। अडाणी ग्रुप ने इन आरोपों को लगातार खारिज किया था। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 5. कार लोन लेते समय सिर्फ EMI न देखें: 5 गलतियां बना सकती हैं आपकी नई गाड़ी महंगी; जानिए इससे बचने के तरीके कार खरीदते समय जब बात फाइनेंस और लोन की आती है, तो कई लोग जल्दबाजी में गलत फैसले ले लेते हैं। डीलर आपको एक आकर्षक मंथली किस्त यानी EMI बताता है, बैंक ब्याज दर बताता है और खरीदार का पूरा फोकस सिर्फ इस बात पर चला जाता है कि महीने की किस्त कम से कम कैसे हो। लेकिन क्या आप जानते हैं कि यही कम EMI आपको लंबे समय में भारी पड़ सकती है? RBI के नए डिस्क्लोजर नियमों और केएफएस यानी की-फैक्ट्स स्टेटमेंट्स के तहत अब ग्राहकों को लोन की पूरी जानकारी देना अनिवार्य है, फिर भी लोग बिना सोचे-समझे साइन कर देते हैं। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… दुनिया के टॉप-10 सबसे अमीर कौन रहे यह भी देख लीजिए… कल के शेयर बाजार और सोना-चांदी का हाल जान लीजिए… पेट्रोल-डीजल और घरेलू गैस सिलेंडर की लेटेस्ट कीमत जान लीजिए… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔
Badshah Praises Tanzanian Student Fadhili Ali Paji in India Got Latent

इंडियाज गॉट लेटेंट में एक लाख रुपए जीतने के बाद फाजेल ने अपनी मां को वीडियो कॉल की। समय रैना ने भी फाजेल की मां से बात की। हरियाणा में रहकर पढ़ाई कर रहा तंजानिया का युवक फधिली अली पाजी उर्फ फाजेल इन दिनों अपनी सिंगिंग और हरियाणा से जुड़ाव को लेकर चर्चा में है। कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी से म्यूजिक की पढ़ाई कर रहे फाजेल ने समय रैना के चर्चित शो ‘इंडियाज गॉट लेटेंट’ सीजन-2 के . फाजेल ने शो में हरियाणवी गाना ‘बैरण’ सुनाया। इसके बाद डिमांड पर पंजाबी गायक सतिंदर सरताज का ‘सजन राजी हो जावे’ गाना भी गाया। उनके प्रदर्शन से प्रभावित होकर सभी जजों ने उन्हें 10-10 नंबर दिए और वह शो के विजेता बने। फाजेल को इनाम में ₹1 लाख का कैश प्राइज मिला। साथ ही, रैपर बादशाह ने फाजेल से कहा कि वह हरियाणा की ‘37वीं बिरादरी’ हैं। दैनिक भास्कर से बातचीत में फाजेल ने कहा, “मैं 2024 में भारत आया था। मैं यूनिवर्सिटी के हॉस्टल में ही रहता हूं। भारत आने से पहले भी हिंदी सीखना चाहता था। अब यहां की भाषा और संस्कृति को करीब से अपना लिया है। अब मैं हिंदी के अलावा हरियाणवी, पंजाबी, मलयालम और मराठी गाने भी गा लेता हूं।” शो के दौरान हरियाणवी गाना बैरण गाते हुए फाजेल। बादशाह ने कहा- तुम हरियाणा की ‘37वीं बिरादरी’ समय रैना के शो का यह एपिसोड 10 अगस्त को यूट्यूब और नेटफ्लिक्स पर आया। फाजेल की परफॉर्मेंस के दौरान जज पैनल में समय रैना, रैपर बादशाह, व्लॉगर सौरभ जोशी, हर्ष लिंबाचिया और रजत सूद शामिल थे। शो में अपने हरियाणा से जुड़ाव के बारे में फाजेल ने कहा, “मैं लंबे समय से यहां रह रहा हूं, इसलिए अब मैं भी जाट हूं।” इस दौरान रैपर बादशाह ने फाजेल के हरियाणा से जुड़ाव को लेकर मजाकिया अंदाज में कहा कि फाजेल दूसरे देश से आए हैं, लेकिन हरियाणा के लोगों के साथ इस तरह घुल-मिल गए हैं कि अब वह यहां की ‘37वीं बिरादरी’ बन गए हैं। मां के फोन के बाद फूट-फूटकर रोए थे शो में समय रैना ने फाजेल से पूछा कि वह आखिरी बार कब रोए थे। फाजेल ने बताया कि वह दो दिन पहले ही रोए थे। उनकी मां का फोन आया था और उन्होंने कुछ पैसों की जरूरत बताई थी। उस समय फाजेल के पास भी पैसे नहीं थे। मां को परेशान नहीं करना चाहते थे, इसलिए उन्होंने कह दिया कि किसी दोस्त से पैसे लेकर उन्हें भेज देंगे। फोन कटने के बाद फाजेल खुद को रोक नहीं पाए और फूट-फूटकर रोने लगे। उन्होंने बताया कि परिवार से दूर रहकर पढ़ाई और अपना खर्च चलाना आसान नहीं है। ऐसे में शो में मिली जीत उनके लिए सिर्फ प्रतियोगिता जीतना नहीं थी, बल्कि मां की मदद करने का एक मौका भी थी। समय रैना के कहने पर फाजेल ने अपना यूट्यूब चैनल भी शुरू किया है। इंस्टाग्राम पर उनके दो लाख से ज्यादा फॉलोअर्स हैं। शो के दौरान फाजेल के बारे में बताते समय रैना। साथ में रैपर बादशाह और यूट्यूबर सौरभ जोशी। ₹1 लाख जीतते ही मां को फोन किया फाजेल को जब शो का विजेता घोषित किया गया और ₹1 लाख का पुरस्कार मिला तो वह भावुक हो गए। उन्होंने स्टेज से ही अपनी मां को फोन कर बताया कि उन्हें पैसे मिल गए हैं और वह शो जीत चुके हैं। इस दौरान समय रैना ने भी उनकी मां से बात की। फाजेल ने बताया कि उन्हें म्यूजिक बहुत पसंद है। ₹20 हजार की स्कॉलरशिप में से मां को भेजते हैं पैसे फाजेल ने बताया कि उन्हें भारत सरकार की ओर से हर महीने ₹20 हजार की स्कॉलरशिप मिलती है। इसी रकम में से बचत करके वह अपनी मां को भी पैसे भेजते हैं। उनका कहना है कि वह भारत में रहकर पढ़ाई के साथ म्यूजिक को भी आगे बढ़ाना चाहते हैं। —————————- बैरण सॉन्ग के बारे में जानिए… बिलबोर्ड पर छाए हरियाणवी सिंगर भाइयों की कहानी:बैरण सॉन्ग में एनिमेटेड लव स्टोरी दिखाई; कोरोना में गाना शुरू किया, अब मुंबई से ऑफर हरियाणा में भिवानी जिले का गांव संडवा। इस गांव के रहने वाले दो चचेरे भाई सुमित और अनुज पूरे भारत में छाए हुए हैं। वजह- इनका नया हरियाणवी गाना बैरण। इस गाने में अनुज ने अपनी आवाज दी है, जबकि सुमित ने म्यूजिक कंपोज किया। सुमित भी म्यूजिक कंपोज करने के साथ-साथ सिंगिंग करते हैं। पढ़ें पूरी खबर…
Tata Trust Vice Chairman Vijay Singh Resigns

नई दिल्ली2 घंटे पहले कॉपी लिंक कल की बड़ी खबर प्लास्टिक नोटों से जुड़ी रही। सरकार ने 10 और 20 रुपए के पॉलीमर बैंक नोट के फील्ड ट्रायल को मंजूरी दे दी है। दोनों के 100-100 करोड़ पॉलीमर यानी प्लास्टिक नोट जारी किए जाएंगे। वहीं टाटा ग्रुप की होल्डिंग कंपनी टाटा संस पर कंट्रोल रखने वाले दो मुख्य ट्रस्टों में शामिल सर रतन टाटा ट्रस्ट यानी SRTT के वाइस चेयरमैन विजय सिंह ने इस्तीफा दे दिया है। कल की बड़ी खबर से पहले आज की ये सुर्खियां… शेयर बाजार में आज तेजी देखने को मिल सकती है। जुलाई के रिटेल महंगाई के आंकड़े जारी किए जाएंगे। पेट्रोल-डीजल की कीमत में आज कोई बदलाव नहीं हुआ। अब कल की बड़ी खबरें पढ़ें… 1. 10 और 20 रुपए के प्लास्टिक नोटों को मंजूरी: वित्त मंत्री बोलीं- ट्रायल में दोनों के 100-100 करोड़ नोट छपेंगे, ये 30 साल तक चलेंगे सरकार ने 10 और 20 रुपए के पॉलीमर बैंक नोट के फील्ड ट्रायल को मंजूरी दे दी है। दोनों के 100-100 करोड़ पॉलीमर यानी प्लास्टिक नोट जारी किए जाएंगे। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने मंगलवार को राज्यसभा में लिखित जवाब में यह जानकारी दी। RBI ने 10 और 20 रुपए के 100-100 करोड़ पॉलीमर नोटों के फील्ड ट्रायल का प्रस्ताव दिया था। ट्रायल सफल होने के बाद इन दोनों के पॉलीमर नोट नियमित रूप से जारी किए जाएंगे। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 2. टाटा-ग्रुप के मुख्य ट्रस्ट SRTT से विजय सिंह का इस्तीफा: 14 अगस्त को खत्म हो रहा कार्यकाल; सर दोराबजी टाटा ट्रस्ट में बने रहेंगे टाटा ग्रुप की होल्डिंग कंपनी टाटा संस पर कंट्रोल रखने वाले दो मुख्य ट्रस्टों में शामिल सर रतन टाटा ट्रस्ट यानी SRTT के वाइस चेयरमैन विजय सिंह ने इस्तीफा दे दिया है। पूर्व रक्षा सचिव विजय सिंह का वर्तमान कार्यकाल 14 अगस्त को समाप्त हो रहा है और उन्होंने अगला कार्यकाल न लेने का फैसला किया है। हालांकि, वे टाटा ग्रुप के दूसरे मुख्य ट्रस्ट सर दोराबजी टाटा ट्रस्ट यानी SDTT में ट्रस्टी के पद पर बने रहेंगे। टाटा ट्रस्ट्स- SRTT और SDTT के पास टाटा संस की लगभग 66% हिस्सेदारी है। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 3. F&O ट्रेडिंग में रिटेल-निवेशकों का लॉस घटकर ₹91,685 करोड़ हुआ: सेबी के सख्त नियमों का असर; हर निवेशक का औसत नुकसान बढ़कर ₹1.16 लाख पहुंचा भारतीय शेयर बाजार के इक्विटी डेरिवेटिव्स यानी F&O सेगमेंट में रिटेल निवेशकों को होने वाला कुल घाटा वित्त वर्ष 2025-26 में घटकर 91,685 करोड़ रुपए पर आ गया है। वित्त वर्ष 2024-25 में यह आंकड़ा 1.12 लाख करोड़ रुपए था। वित्त मंत्रालय ने 11 अगस्त को संसद को यह अहम जानकारी दी है। मार्केट रेगुलेटर सेबी की ओर से F&O सेगमेंट में जोखिम कम करने के लिए उठाए गए कई कड़े और नए कदमों के बाद रिटेल निवेशकों के घाटे में यह गिरावट दर्ज की गई है। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 4. अमेरिकी कोर्ट से अडाणी का केस खारिज: 2 साल पहले दर्ज हुआ था; भारतीय अधिकारियों को रिश्वत देने, अमेरिकी निवेशकों से धोखाधड़ी के आरोप थे अमेरिकी अदालत ने सोमवार को गौतम अडाणी के खिलाफ चल रहा रिश्वत और धोखाधड़ी का केस खारिज कर दिया। ब्रुकलिन की अमेरिकी जिला अदालत के जज निकोलस गारौफिस ने केस खत्म करने की अमेरिकी न्याय विभाग की मांग मंजूर कर ली। गौतम अडाणी पर 2024 में भारतीय सरकारी अधिकारियों को रिश्वत देने पर सहमति जताने का आरोप लगा था। यह भी कहा गया कि रिश्वत के जरिए अडाणी ग्रुप की एक कंपनी को सोलर एनर्जी प्लांट का ठेका दिलाने की कोशिश की गई। अडाणी ग्रुप ने इन आरोपों को लगातार खारिज किया था। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 5. कार लोन लेते समय सिर्फ EMI न देखें: 5 गलतियां बना सकती हैं आपकी नई गाड़ी महंगी; जानिए इससे बचने के तरीके कार खरीदते समय जब बात फाइनेंस और लोन की आती है, तो कई लोग जल्दबाजी में गलत फैसले ले लेते हैं। डीलर आपको एक आकर्षक मंथली किस्त यानी EMI बताता है, बैंक ब्याज दर बताता है और खरीदार का पूरा फोकस सिर्फ इस बात पर चला जाता है कि महीने की किस्त कम से कम कैसे हो। लेकिन क्या आप जानते हैं कि यही कम EMI आपको लंबे समय में भारी पड़ सकती है? RBI के नए डिस्क्लोजर नियमों और केएफएस यानी की-फैक्ट्स स्टेटमेंट्स के तहत अब ग्राहकों को लोन की पूरी जानकारी देना अनिवार्य है, फिर भी लोग बिना सोचे-समझे साइन कर देते हैं। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… दुनिया के टॉप-10 सबसे अमीर कौन रहे यह भी देख लीजिए… कल के शेयर बाजार और सोना-चांदी का हाल जान लीजिए… पेट्रोल-डीजल और घरेलू गैस सिलेंडर की लेटेस्ट कीमत जान लीजिए… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔
कंगना रनोट ने नसीरुद्दीन शाह को कहा लोमड़ी:बोलीं- वे देश का खाकर पड़ोसी के लिए लड़ते हैं; पीयूष मिश्रा के बयान का समर्थन किया

अभिनेत्री और बीजेपी सांसद कंगना रनोट ने वरिष्ठ अभिनेता नसीरुद्दीन शाह पर निशाना साधा है। कंगना ने सोशल मीडिया पोस्ट में नसीरुद्दीन शाह को ‘लोमड़ी’ कहते हुए लिखा कि वे इस देश का खाते हैं लेकिन पड़ोसी देश के लिए लड़ते हैं। यह विवाद देश में छात्रों के प्रदर्शन पर बॉलीवुड कलाकारों की चुप्पी को लेकर शुरू हुआ था। नसीरुद्दीन शाह ने शांत रहने वाले कलाकारों की तुलना मुंह में हड्डी दबाए कुत्ते से की थी। इसके बाद अभिनेता पीयूष मिश्रा ने झारखंड में छात्रों पर हुए लाठीचार्ज का मुद्दा उठाकर नसीरुद्दीन से सवाल किए और कहा की वे अब चुप क्यों हैं। कंगना ने पीयूष मिश्रा के बयान का समर्थन करते हुए अपनी बात रखी है। पीयूष मिश्रा की पोस्ट शेयर कर लिखा- वफादारी दुर्लभ है कंगना रनोट ने अपने इंस्टाग्राम स्टोरी पर पीयूष मिश्रा के बयान की एक रिपोर्ट शेयर की। कंगना ने लिखा कि सच तो यह है कि हर कोई किसी न किसी का कुत्ता है, लेकिन उन्हें इस बात का गर्व है कि वे जिस देश का खाती हैं, उसकी रखवाली करती हैं और उसके लिए लड़ती हैं। कंगना ने आगे लिखा कि आज के दौर में कुत्ता कहलाना एक तारीफ है, क्योंकि वफादारी अब बहुत कम देखने को मिलती है। वे नसीरुद्दीन शाह जैसी लोमड़ी बनने के बजाय कुत्ता बनना पसंद करेंगी। नसीरुद्दीन शाह के ‘हड्डी वाले कुत्ते’ से शुरू हुआ विवाद इस विवाद की शुरुआत नसीरुद्दीन शाह के एक पुराने बयान से हुई थी। देश भर में हुए छात्र प्रदर्शनों पर बड़े एक्टर्स के न बोलने पर नसीरुद्दीन से सवाल पूछा गया था। इस पर नसीरुद्दीन ने कहा था कि जब कलाकारों की आत्मा जागेगी तब वे बोलेंगे। उन्होंने एक कहावत का जिक्र करते हुए कहा था कि जिसके मुंह में हड्डी होती है, वह कुत्ता भौंक नहीं सकता। जैसे ही मुंह से हड्डी गिरेगी या दांत टूटेंगे, वे भौंकने लगेंगे। झारखंड प्रोटेस्ट में पहुंचे पीयूष मिश्रा झारखंड की राजधानी रांची में परीक्षाओं में धांधली और पेपर लीक के खिलाफ छात्रों का आंदोलन जारी है। प्रदर्शन के 16वें दिन अभिनेता और गायक पीयूष मिश्रा धरना स्थल जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम पहुंचे। उन्होंने अभ्यर्थियों के बीच बैठकर उनका समर्थन किया। मीडिया से बातचीत में पीयूष मिश्रा ने कहा कि वे छात्रों के इंटरव्यू देखकर और उनकी आंखों में दर्द देखकर यहां आए हैं। इस दौरान उन्होंने अपनी फिल्म ‘गुलाल’ का प्रसिद्ध गाना ‘आरंभ है प्रचंड’ भी गाया, जिससे पूरे परिसर में उत्साह दिखाई दिया। मीडिया से बातचीत में पीयूष मिश्रा ने रांची आने की वजह बताई। उन्होंने कहा कि उनका यहां आने का कोई अन्य मकसद नहीं है। उन्होंने सोशल मीडिया पर प्रदर्शनकारी छात्रों के इंटरव्यू देखे थे। छात्रों की आंखों में दर्द, तकलीफ और आंसू देखकर उनसे रहा नहीं गया। दो दिन का समय खाली मिलते ही वे सीधे रांची आ गए। उन्होंने प्रोटेस्ट के लिए आर्थिक मदद देने की भी बात कही है।
Honey Singh Badshah Controversy | Rapper Stage Name Viral Video Update

6 मिनट पहले कॉपी लिंक रैपर बादशाह और यो यो हनी सिंह का पुराना विवाद एक बार फिर सामने आ गया है। कॉमेडियन समय रैना के शो के दौरान समय ने बादशाह से उनके स्टेज नाम ‘बादशाह’ को लेकर सवाल किया। बादशाह ने जवाब दिया कि यह नाम उन्होंने खुद रखा है। इसके बाद सोशल मीडिया पर उनका एक पुराना वीडियो वायरल होने लगा, जिसमें वे इस नाम का क्रेडिट हनी सिंह को देते दिख रहे हैं। मामला तब बढ़ा जब हनी सिंह ने इस क्लिप पर कमेंट करते हुए बादशाह को ‘नालायक औलाद’ कह दिया। हनी सिंह और बादशाह साथ में कई गाने बना चुके हैं। समय रैना ने स्टेज नेम पर पूछा सवाल ‘इंडियाज गॉट लेटेंट 2’ के इस एपिसोड में बादशाह के साथ हर्ष लिम्बाचिया, सौरव जोशी और रजत सूद भी मौजूद थे। एक कंटेस्टेंट की परफॉर्मेंस के बाद समय रैना ने बादशाह से पूछा कि उन्हें यह स्टेज नाम किसने दिया। आदित्य प्रतीक सिंह सिसोदिया यानी बादशाह ने कहा कि यह नाम उन्होंने खुद चुना है। इस बयान के तुरंत बाद सोशल मीडिया यूजर्स ने बादशाह का एक पुराना इंटरव्यू खोज निकाला। उस वीडियो में बादशाह कह रहे थे, “यह नाम मुझे हनी सिंह पाजी ने दिया था। वे कहते थे कि तुम बादशाह की तरह रहते हो।” हनी सिंह ने इंस्टाग्राम पर शेयर किया वीडियो पुराना वीडियो सामने आने के बाद यो यो हनी सिंह ने अपने आधिकारिक इंस्टाग्राम अकाउंट की स्टोरी पर समय और बादशाह की बातचीत का क्लिप शेयर किया। वीडियो शेयर करते हुए हनी सिंह ने लिखा “मेरी नालायक औलाद।” इसके साथ ही हनी सिंह ने एक अन्य पोस्ट में ‘मेरी गंदी औलाद’ लिखकर भी तंज कसा। इस कमेंट के बाद दोनों रैपर्स के बीच ‘माफिया मुंडीर’ के दिनों की पुरानी खींचतान दोबारा चर्चा में आ गई है। माफिया मुंडीर से शुरू हुआ था दोनों का विवाद बादशाह और हनी सिंह कभी एक साथ हिप-हॉप ग्रुप ‘माफिया मुंडीर’ का हिस्सा हुआ करते थे। ग्रुप टूटने के बाद से ही दोनों के बीच गानों के क्रेडिट को लेकर विवाद चला आ रहा है। दोनों कलाकार गानों के लेखन और कंपोजिशन पर अलग-अलग दावे करते हैं। विवाद की मुख्य वजह सुपरहिट गाना ‘ब्राउन रंग’ रहा है। बादशाह का दावा है कि इस गाने के बोल उन्होंने लिखे थे। दूसरी तरफ हनी सिंह का कहना है कि गाने का म्यूजिक और बीट्स उनकी अपनी थीं। इससे पहले जुलाई 2025 में भी बादशाह ने हनी सिंह की एक पोस्ट पर क्रेडिट्स को लेकर तीखी टिप्पणी की थी। ये खबर भी पढ़ें हनी सिंह-बादशाह को अश्लील गाने पर हाई कोर्ट की फटकार:सभी जगह से हटाने के आदेश; कहा- अश्लीलता और महिलाओं का अपमान बर्दाश्त नहीं दिल्ली हाई कोर्ट ने गुरुवार को सिंगर हनी सिंह और बादशाह के खिलाफ सख्त रुख अपनाया है। अदालत ने उनके करीब दो दशक पुराने विवादित गाने ‘माफिया मुंडीर’ वॉल्यूम 1 को इंटरनेट के सभी प्लेटफॉर्म से तुरंत हटाने के आदेश दिए हैं। कोर्ट ने इस गाने के बोल को ‘बेहद अश्लील’ और महिलाओं के प्रति अपमानजनक बताया है। पूरी खबर पढ़ें दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔
Deepti Gaur Appointed Higher Education Secretary

Hindi News Career Deepti Gaur Appointed Higher Education Secretary | August 12 Current Affairs 7 मिनट पहले कॉपी लिंक आज के प्रमुख करेंट अफेयर्स, जो सरकारी नौकरियों की तैयारी कर रहे स्टूडेंट्स के लिए जरूरी हैं- नेशनल (NATIONAL) 1. दीप्ति गौर मुखर्जी नई हायर एजुकेशन सेक्रेटरी बनीं 10 अगस्त को केंद्र सरकार ने IAS दीप्ति गौर मुखर्जी को नया हायर एजुकेशन सेक्रेटरी अपॉइंट किया। दीप्ति गौर मुखर्जी 1993 बैच की मध्य प्रदेश कैडर की IAS अधिकारी हैं। दीप्ति अभी तक कॉरपोरेट मामलों की सेक्रेटरी के तौर पर काम कर रही थीं। वे विनीत जोशी की जगह लेंगी। विनीत जोशी को पिछले महीने पंचायती राज मंत्रालय का सेक्रेटरी अपॉइंट किया गया था। दीप्ति 2024 से अब तक कॉरपोरेट कार्य मंत्रालय की सेक्रेटरी और राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण (NHA) की CEO जैसे महत्वपूर्ण पदों पर काम कर चुकी हैं। वह राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण की सीईओ रह चुकी हैं। इस दौरान आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के क्रियान्वयन की जिम्मेदारी उनके प्रमुख कामों में शामिल रही। इसके अलावा उन्होंने स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय में अतिरिक्त सचिव के तौर पर भी काम किया है। 1997 में भोपाल में पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग में अंडर सेक्रेटरी रहीं। मध्य प्रदेश के अलग-अलग जिलों में कलेक्टर रहीं औ 2010 में मिनिस्ट्री ऑफ हाउसिंग एंड अर्बन पावर्टी में डायरेक्टर समेत कई अलग-अलग डिपार्टमेंट में रहीं। दीप्ति 2010 में मिनिस्ट्री ऑफ हाउसिंग एंड अर्बन पावर्टी में डायरेक्टर 2. भारत में 11 नए इंटरनेशनल पोर्ट्स से एंट्री होगी 11 अगस्त को इंटरनेशनल पोर्ट्स यानी एंट्री गेट्स को मंजूरी दी है, जिससे ई-वीजा वाले विदेशी नागरिक भारत में एंट्री ले सकेंगे। गृह मंत्रालय ने बताया कि इस नोटिफिकेशन में 9 जमीनी रास्ते (लैंड पोर्ट्स) और 2 एयरपोर्ट शामिल हैं। इन एंट्री पॉइंट्स में भोपाल और तिरुपति के एयरपोर्ट और अटारी व अगरतला के रोड भी शामिल हैं। मंत्रालय के मुताबिक भारत लगभग 95 प्रतिशत ई-वीजा आवेदनों को 72 घंटे से भी कम समय में प्रोसेस कर लेता है। इन नए पोर्ट्स के जुड़ने के बाद, ई-वीजा वाले विदेशी नागरिकों की एंट्री के लिए उपलब्ध इंटरनेशनल पोर्ट्स की कुल संख्या बढ़कर 88 हो गई है। इसमें 37 एयरपोर्ट, 38 सी-पोर्ट (समुद्री बंदरगाह) और 13 लैंड पोर्ट शामिल हैं। इसमें नए 11 पोर्ट्स 9 लैंड पोर्ट भी शामिल हैं। ये कदम विदेशी पर्यटकों और यात्रियों के लिए भारत में एंट्री को आसान बनाना है। 11 नए पॉर्ट्स में भोपाल का राजभोज एयरपोर्ट भी शामिल है। स्पोर्ट्स (SPORTS) 3. भारतीय मूल की बोधन सबसे कम उम्र की चेस चैंपियन बनीं 11 अगस्त को भारतीय मूल की 11 वर्षीय बोधन सिवानंदन ब्रिटेन की सबसे कम उम्र की महिला चेस चैंपियन बनीं। उन्होंने आयरलैंड की त्रिशा कन्यामराला को रैपिड चेस प्लेऑफ में हराकर ब्रिटिश चेस चैंपियनशिप का खिताब जीता। बोधन के अलावा भारतीय मूल के ही 17 साल के श्रीयस रॉयल ने भी चैंपियनशिप अपने नाम किया। श्रीयस ने नौ राउंड के बाद पॉइंट टेबल में सबसे ऊपर रहते हुए ओपन ब्रिटिश खिताब अपने नाम किया। 1 अगस्त को शुरु हुआ टूर्नामेंट रविवार को कोवेंट्री में खत्म हुआ। 4. FIH ने हॉकी के नियमों में बदलाव किया 11 अगस्त को इंटरनेशनल हॉकी फेडरेशन (FIH) ने पुरुष और महिला वर्ल्ड कप 2026 में कॉमपीटीशन के नियमों और स्ट्रक्चर में बदला किया है। नए नियम के मुताबिक, अब क्वार्टर फाइनल को खत्म कर दिया गया है और दोनों क्रॉसओवर पूलों से टॉप-2 टीमें सीधे सेमीफाइनल में पहुंचेंगी। टूर्नामेंट 15 से 30 अगस्त तक बेल्जियम और नीदरलैंड में खेला जाएगा। नए फॉर्मेट में टीमों के पास शुरुआत से ही गलतियां कम होंगी क्योंकि पहले पूल के परिणाम अगले चरण में भी लागू हो सकते हैं। भारत की पुरुष टीम को पूल डी में इंग्लैंड, पाकिस्तान और वेल्स के साथ रखा गया है, जबकि भारतीय महिला टीम को पूल डी में चीन, इंग्लैंड और दक्षिण अफ्रीका का सामना करना होगा। टूर्नामेंट की शुरुआत प्रत्येक प्रतियोगिता की 16 टीमों के साथ होगी, जिन्हें चार-चार टीमों के चार पूल में बांटा जाएगा। 15 से 20 अगस्त तक हर टीम अपने पूल की अन्य टीमों के खिलाफ तीन मैच खेलेगी और अंतिम रैंकिंग के आधार पर अगले चरण की टीमों का निर्धारण होगा। 5. अंतर्राष्ट्रीय भाषा विज्ञान ओलंपियाड में भारत ने 4 पदक जीते 10 अगस्त को अंतर्राष्ट्रीय भाषाविज्ञान ओलंपियाड 2026 में भारत ने 1 स्वर्ण और 3 कांस्य समेत कुल 4 पदक जीते। प्रतियोगिता रोमानिया के बुखारेस्ट में आयोजित हुई और श्रीलक्ष्मी वेंकटरामन ने स्वर्ण पदक जीता। आरव अनिल राव, निशांत शंकर लक्ष्मणन और अद्वय मिश्रा ने कांस्य पदक जीता। इस प्रतियोगिता में सोहम अमित पेडनेकर को विशेष सम्मान दिया गया। इस प्रतियोगिता में 40 से ज्यादा देशों के स्कूली छात्र हिस्सा लेते हैं। यह ओलंपियाड क्लास 6 से 8 वीं के बीच और क्लास 9-12 के स्कूली छात्रों के बीच होता है। तर्क और एनालिसिस एबिलिटी का उपयोग करके अपरिचित भाषाओं में पैटर्न पहचानने की उनकी क्षमता को चेक किया जाता है। पार्टिसिपेंट्स को अनजान भाषाओं पर आधारित प्रॉब्लम दी जाती हैं और उन्हें लॉजिक और रीजनिंग का इस्तेमाल करके पैटर्न ढूंढ़ना होते हैं। ये 23वां इंटरनेशनल लिंग्वस्टिक ओलंपियाड था। भारत इस ओलंपियाड में 2009 से हिस्सा ले रहा है। टीम का चयन पाणिनी लिंग्विस्टिक्स ओलंपियाड (PLO) के जरिए होता है, जो राष्ट्रीय चयन प्रतियोगिता के तौर पर काम करता है। भारत ने अब तक इंटरनेशनल लिंग्विस्टिक्स ओलंपियाड में 37 मेडल जीते हैं। इसमें 6 गोल्ड, 9 सिल्वर और 22 ब्रॉन्ज मेडल शामिल हैं। IIIT हैदराबाद 2015 से पाणिनी लिंग्विस्टिक्स ओलंपियाड को मेंटर कर रहा है। मिसलीनियस 6. भारत ने जिनेवा को मोर डोनेट किये 11 अगस्त को भारत ने जिनेवा में यूनाइटेड नेशन ऑफिस (UNOG) को पांच मोर दान करने की जानकारी दी। ये मोर भारत के स्थायी प्रतिनिधि अरिंदम बागची ने UNOG की डायरेक्टर जनरल तात्याना वालोवाया को सौंपे। इन पांच मोरों में चार नीले मोर और एक सफेद पंखों वाला नर मोर शामिल है, जो संयुक्त राष्ट्र से जुड़े नीले और सफेद रंगों को दर्शाते हैं। इस दौरान देश की समृद्ध प्राकृतिक विरासत और बहुपक्षवाद के प्रति उसकी प्रतिबद्धता को रेखांकित किया गया। ये दूसरी बार है जब भारत ने UNOG को मोर भेंट किए हैं। 1981 में, तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने दिल्ली चिड़ियाघर
Honey Singh Badshah Controversy | Rapper Stage Name Viral Video Update

3 घंटे पहले कॉपी लिंक रैपर बादशाह और यो यो हनी सिंह का पुराना विवाद एक बार फिर सामने आ गया है। कॉमेडियन समय रैना के शो के दौरान समय ने बादशाह से उनके स्टेज नाम ‘बादशाह’ को लेकर सवाल किया। बादशाह ने जवाब दिया कि यह नाम उन्होंने खुद रखा है। इसके बाद सोशल मीडिया पर उनका एक पुराना वीडियो वायरल होने लगा, जिसमें वे इस नाम का क्रेडिट हनी सिंह को देते दिख रहे हैं। मामला तब बढ़ा जब हनी सिंह ने इस क्लिप पर कमेंट करते हुए बादशाह को ‘नालायक औलाद’ कह दिया। हनी सिंह और बादशाह साथ में कई गाने बना चुके हैं। समय रैना ने स्टेज नेम पर पूछा सवाल ‘इंडियाज गॉट लेटेंट 2’ के इस एपिसोड में बादशाह के साथ हर्ष लिम्बाचिया, सौरव जोशी और रजत सूद भी मौजूद थे। एक कंटेस्टेंट की परफॉर्मेंस के बाद समय रैना ने बादशाह से पूछा कि उन्हें यह स्टेज नाम किसने दिया। आदित्य प्रतीक सिंह सिसोदिया यानी बादशाह ने कहा कि यह नाम उन्होंने खुद चुना है। इस बयान के तुरंत बाद सोशल मीडिया यूजर्स ने बादशाह का एक पुराना इंटरव्यू खोज निकाला। उस वीडियो में बादशाह कह रहे थे, “यह नाम मुझे हनी सिंह पाजी ने दिया था। वे कहते थे कि तुम बादशाह की तरह रहते हो।” हनी सिंह ने इंस्टाग्राम पर शेयर किया वीडियो पुराना वीडियो सामने आने के बाद यो यो हनी सिंह ने अपने आधिकारिक इंस्टाग्राम अकाउंट की स्टोरी पर समय और बादशाह की बातचीत का क्लिप शेयर किया। वीडियो शेयर करते हुए हनी सिंह ने लिखा “मेरी नालायक औलाद।” इसके साथ ही हनी सिंह ने एक अन्य पोस्ट में ‘मेरी गंदी औलाद’ लिखकर भी तंज कसा। इस कमेंट के बाद दोनों रैपर्स के बीच ‘माफिया मुंडीर’ के दिनों की पुरानी खींचतान दोबारा चर्चा में आ गई है। माफिया मुंडीर से शुरू हुआ था दोनों का विवाद बादशाह और हनी सिंह कभी एक साथ हिप-हॉप ग्रुप ‘माफिया मुंडीर’ का हिस्सा हुआ करते थे। ग्रुप टूटने के बाद से ही दोनों के बीच गानों के क्रेडिट को लेकर विवाद चला आ रहा है। दोनों कलाकार गानों के लेखन और कंपोजिशन पर अलग-अलग दावे करते हैं। विवाद की मुख्य वजह सुपरहिट गाना ‘ब्राउन रंग’ रहा है। बादशाह का दावा है कि इस गाने के बोल उन्होंने लिखे थे। दूसरी तरफ हनी सिंह का कहना है कि गाने का म्यूजिक और बीट्स उनकी अपनी थीं। इससे पहले जुलाई 2025 में भी बादशाह ने हनी सिंह की एक पोस्ट पर क्रेडिट्स को लेकर तीखी टिप्पणी की थी। ये खबर भी पढ़ें हनी सिंह-बादशाह को अश्लील गाने पर हाई कोर्ट की फटकार:सभी जगह से हटाने के आदेश; कहा- अश्लीलता और महिलाओं का अपमान बर्दाश्त नहीं दिल्ली हाई कोर्ट ने गुरुवार को सिंगर हनी सिंह और बादशाह के खिलाफ सख्त रुख अपनाया है। अदालत ने उनके करीब दो दशक पुराने विवादित गाने ‘माफिया मुंडीर’ वॉल्यूम 1 को इंटरनेट के सभी प्लेटफॉर्म से तुरंत हटाने के आदेश दिए हैं। कोर्ट ने इस गाने के बोल को ‘बेहद अश्लील’ और महिलाओं के प्रति अपमानजनक बताया है। पूरी खबर पढ़ें दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔
