नेपाल बाढ़ से तबाह एक घर से 24 शव मिले:अब तक 955 की मौत, 4400 से ज्यादा लापता; 158 भारतीयों का रेस्क्यू

नेपाल के बाढ़ प्रभावित बिदुर इलाके में सोमवार को एक घर से एक बच्चे समेत 24 शव बरामद किए गए हैं। पुलिस के मुताबिक, मलबे के नीचे अभी और शव दबे होने की आशंका है। नेपाल-तिब्बत में अब तक 955 लोगों की मौत हो चुकी है। इनमें नेपाल में 939 और तिब्बत में 16 मौतें हुई हैं। वहीं करीब 4,471 लोग अभी भी लापता हैं। बाढ़ से प्रभावित करीब 65 हजार लोगों तत्काल मदद पहुंचाई जा चुकी है। विदेश मंत्रालय (MEA) ने बताया कि नेपाल में पिछले हफ्ते आई विनाशकारी बाढ़ के बाद 158 भारतीय नागरिकों को सुरक्षित निकाल लिया गया है। नेपाल त्रासदी की 3 ताजा तस्वीरें…
भास्कर नॉलेज क्विज 5:करेंट अफेयर्स पर बेस्ड 10 सवालों के दीजिए जवाब, हर मंगलवार 5 विजेता जीतेंगे बम्पर इनाम

दैनिक भास्कर आपके लिए लेकर आया है ‘भास्कर नॉलेज क्विज’। नीचे दिए लिंक पर क्लिक कीजिए, क्विज खेलिए और सभी 10 प्रश्नों के सही जवाब देकर बनाइए लकी ड्रॉ में अपनी जगह। कंप्यूटराइज्ड लकी ड्रॉ के जरिए 5 विनर्स चुने जाएंगे, जिनमें से प्रत्येक को मिलेगा ₹ 2100/- मूल्य तक का इनाम। विवाद की स्थिति में दैनिक भास्कर का निर्णय अंतिम और सर्वमान्य होगा। नियम और शर्तें 1. एक मोबाइल नंबर से आप केवल एक बार भाग ले सकते हैं। 2. एंट्री भास्कर लिंक के माध्यम से ही स्वीकार की जाएगी। 3. प्रत्येक मंगलवार सुबह 6:00 से रात 10:00 बजे तक ही क्विज खेल सकते हैं। नोट : विजेताओं से दैनिक भास्कर की टीम उसी मोबाइल नंबर पर संपर्क करेगी जिससे क्विज़ में भाग लिया है। >>>अभी क्विज खेलें<<<
हाथी के बच्चे बराबर वजन, इंसानों को जिंदा निगलती है:सड़ा-गला मांस खाती है, नेपाल से बहकर बिहार आईं खतरनाक मछलियों की कहानी

26 अगस्त को नेपाल में आई विनाशकारी बाढ़ का मलबा अब बिहार पहुंच रहा है और उसके साथ बहकर आ रही हैं- थाई मांगुर, गोइता (गूंछ फिश) जैसी खतरनाक मछलियां, जो इंसानी शव खाती हैं। जिनको खाने से कैंसर जैसी जानलेवा बीमारी हो सकती है। नेपाल से बिहार बहकर आई इन मछलियों की कहानी क्या है, क्या यह भारत में प्रतिबंधित है, इन्हें खाना कितना जानलेवा है; जानेंगे बूझे की नाही में… सबसे पहले जानिए, नेपाल से बहकर कौन-कौन सी मछली बिहार आई नेपाल में आई तबाही के तीसरे दिन यानी 29 अगस्त की सुबह गोपालगंज में मछुआरों ने गंडक नदी से भारी मात्रा में मछलियों का पकड़ा। गोपालगंज के मंगलपुर घाट से कई क्विंटल मछलियों के पकड़ने और उन्हें पश्चिम बंगाल के बाजारों में भेजने की खबर है। बिहार सरकार के मत्स्य निदेशालय ने लोगों से बाढ़ के पानी में आई मछलियों को नहीं खाने की अपील की है। निदेशालय ने कहा है, ‘बाढ़ के पानी से सीधे पकड़ी गई मछलियों की खरीद-बिक्री में सावधानी बरतें। बिना जांच के मछली नहीं खाएं। एक-एक कर जानिए, बिहार आईं मछलियों की कहानी… 1. गूंछ कैटफिशः इंसानों को नदी में खींचकर खाती हैं गूंछ कैटफिश यानी गोइता, जिसे ‘आदमखोर कैटफिश’ के नाम से भी जाना जाता है। नुकीले जबड़ों और बड़ी आंखों वाली एक बेहद भयानक मछली है। यह आम मछलियों जैसी नहीं होती, क्योंकि इसका शरीर काफी लंबा और सिर चौड़ा व चपटा होता है, जिस पर मूंछों के तीन जोड़े होते हैं। इन्हें कहा जाता है- ‘नदी का शैतान’ अलग-अलग रिपोर्ट में इन्हें नदी का शैतान यानी रिवर मॉन्स्टर भी कहा जाता है। ‘द हिमालयन आउटबैक’ मैगजीन के मुताबिक, 1988 और 2007 के बीच नेपाल की काली नदी के किनारे तीन अलग-अलग घटनाएं हुईं। इनमें से किसी का भी शव बाद में नहीं मिला। तीनों घटनाएं नेपाल में काली नदी और भारत के निकटवर्ती हिस्से के पास हुई थीं। इस घटना के बाद लोगों ने दावा किया कि किसी विशाल जीव ने आदमी को खींच लिया है। इन दावों के बाद दुनियाभर की नजर इधर गई। भारत में प्रतिबंधित नहीं 2. थाई मांगुरः भारत में प्रतिबंधित, खाने से हो सकता है कैंसर थाई मांगुर मछली कैटफिश समूह में आती है। यह अलग-अलग तरह की रे-फिन्ड यानी पंखों वाली मछलियों का एक समूह है। इनका नाम इनके खास बार्बेल्स (मूंछों) के कारण पड़ा है, जो बिल्ली की मूंछों जैसी दिखती है। थाई मांगुर को वैज्ञानिक रूप से ‘क्लैरियस गैरीपिनस’ नाम से जाना जाता है। यह 3-5 फ़ीट लंबी हवा में सांस लेने वाली मछली है, जो अपने खास रेस्पिरेटरी सिस्टम (ARS) की वजह से सूखी जमीन पर चल सकती है। कीचड़ में भी जीवित रह सकती है। यह तेजी से बढ़ती है। अगर इसे पाला जाए तो उत्पादन तीन गुना तक बढ़ सकता है। इसलिए इसे कम समय में ज्यादा मुनाफा देने वाली मछली भी कहा जाता है। रिपोर्ट के मुताबिक, अन्य प्रजाति की मछलियां छह महीने में 300 ग्राम बढ़ती है, तो थाई मांगुर उतने ही समय में लगभग एक किलो तक बढ़ जाती है। 2000 में NGT ने लगाया प्रतिबंध भारत में ‘थाई मांगुर’ के पालने, खाने और बेचने पर नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (NGT) ने 2000 में रोक लगा दी थी। ऐसा इसलिए किया गया क्योंकि यह मांसाहारी मछली पानी में रहने वाली दूसरी मछलियों के लिए खतरा पैदा करती थी। 3. वल्लागो कैटफिश यानी मीठे पानी का शार्क वल्लागो कैटफिश, जिसे बाराली, बोआल, पठान या हेलीकॉप्टर कैटफिश के नाम से जाना जाता है। मीठे पानी में पाई जाने वाली एक विशाल और आक्रामक शिकारी मछली है। यह ‘सिलुरिडे’ परिवार से संबंधित है। यह दक्षिण एशिया (जिसमें नेपाल भी शामिल है) के प्रमुख नदियों में रहती है।
SCO Summit Bishkek LIVE | PM Modi Meets Putin & President Pezeshkian

बिश्केक37 मिनट पहले कॉपी लिंक पीएम मोदी ने SCO में कई विश्व नेताओं से मुलाकात की। किर्गिस्तान बिश्केक में हो रहे SCO शिखर सम्मेलन का आज दूसरा दिन है। पीएम मोदी आज समिट को संबोधित कर सकते हैं। कल मोदी ने रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन, ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन समेत कई देशों के नेताओं से द्विपक्षीय मुलाकात की। बिश्केक में हो रहे SCO शिखर सम्मेलन में भारत, चीन, रूस, पाकिस्तान और ईरान समेत 10 सदस्य देशों के नेता शामिल हो रहे हैं। SCO समिट के पहले दिन की तस्वीरें… SCO समिट में पीएम मोदी और रूसी राष्ट्रपति पुतिन ने एक-दूसरे को गले लगा लिया। रूस के राष्ट्रपति व्लादिमिर पुतिन और मोदी एक ही कार में बैठकर नोमैड गेम्स के लिए रवाना हुए। अर्मेनिया के प्रधानमंत्री निकोल पशिन्यान ने मोदी से मुलाकात की। किर्गिस्तान के राष्ट्रपति सदिर जपरोव भी पीएम मोदी से मिले। मोदी ने ईरान के राष्ट्रपति मसूद पजशकियान से मुलाकात की। मोदी ने पुतिन को ब्रिक्स समिट में शामिल होने का न्योता दिया पीएम मोदी ने भारत में अगले महीने होने वाली ब्रिक्स समिट के लिए रूस के राष्ट्रपति पुतिन को न्योता दिया था। मोदी ने कहा था- “भारत कुछ दिनों बाद ब्रिक्स समिट का आयोजन कर रहा है। सभी सभी भारतीय आपका और आपके प्रतिनिधिमंडल का स्वागत करने के लिए बहुत उत्सुक हैं।” पुतिन बोले- रूस में पढ़ने वाले भारतीय छात्रों की संख्या 7 गुना बढ़ी राष्ट्रपति पुतिन ने पीएम मोदी से मुलाकात के बाद कहा- रूस में पढ़ने वाले छात्रों की संख्या के मामले में भारत टॉप लिस्ट में शामिल है। पिछले कुछ सालों में यह संख्या 7 गुना बढ़कर 40,000 हो गई है। हम नियमित रूप से भारत और रूस के सांस्कृतिक उत्सव आयोजित करते हैं। हमारे बीच पर्यटकों का आना-जाना भी काफी होता है, जिसमें 16% की वृद्धि देखी गई है। पीएम ने प्रवासी भारतीयों से मुलाकात की पीएम मोदी ने किर्गिस्तान में भारत से जुड़े लोगों से मुलाकात की, जिनमें प्रवासी सदस्य, शिक्षाविद, शोधकर्ता, ITEC पूर्व छात्र और योग अभ्यासकर्ता शामिल थे। अगले साल पाकिस्तान को मिल सकती है मेजबानी यह SCO के 25 साल पूरे होने पर आयोजित ऐतिहासिक सम्मेलन है। यूरेशिया की सुरक्षा, व्यापार और रणनीतिक संतुलन के लिहाज से यह साल का सबसे महत्वपूर्ण बहुपक्षीय सम्मेलन माना जा रहा है। समिट के बाद किर्गिस्तान की अध्यक्षता समाप्त होगी और 2026–27 की अध्यक्षता पाकिस्तान को सौंपे जाने की उम्मीद है। 2027 का SCO शिखर सम्मेलन पाकिस्तान में प्रस्तावित है। ——————————————- ये खबर भी पढ़ें… किर्गिस्तान में पुतिन-मोदी की मुलाकात, दोनों लीडर गले मिले:PM ने BRICS के लिए न्योता दिया; एक ही कार में बैठकर नोमैड गेम्स सेरेमनी में पहुंचे पीएम मोदी और रूस के राष्ट्रपति व्लादिमिर पुतिन की किर्गिस्तान की राजधानी बिश्केक में SCO शिखर सम्मेलन के दौरान मुलाकात हुई। यह बैठक करीब 10 मिनट चली। पूरी खबर पढ़ें… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔
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बिश्केक37 मिनट पहले कॉपी लिंक पीएम मोदी ने SCO में कई विश्व नेताओं से मुलाकात की। किर्गिस्तान बिश्केक में हो रहे SCO शिखर सम्मेलन का आज दूसरा दिन है। पीएम मोदी आज समिट को संबोधित कर सकते हैं। कल मोदी ने रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन, ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन समेत कई देशों के नेताओं से द्विपक्षीय मुलाकात की। बिश्केक में हो रहे SCO शिखर सम्मेलन में भारत, चीन, रूस, पाकिस्तान और ईरान समेत 10 सदस्य देशों के नेता शामिल हो रहे हैं। SCO समिट के पहले दिन की तस्वीरें… SCO समिट में पीएम मोदी और रूसी राष्ट्रपति पुतिन ने एक-दूसरे को गले लगा लिया। रूस के राष्ट्रपति व्लादिमिर पुतिन और मोदी एक ही कार में बैठकर नोमैड गेम्स के लिए रवाना हुए। अर्मेनिया के प्रधानमंत्री निकोल पशिन्यान ने मोदी से मुलाकात की। किर्गिस्तान के राष्ट्रपति सदिर जपरोव भी पीएम मोदी से मिले। मोदी ने ईरान के राष्ट्रपति मसूद पजशकियान से मुलाकात की। मोदी ने पुतिन को ब्रिक्स समिट में शामिल होने का न्योता दिया पीएम मोदी ने भारत में अगले महीने होने वाली ब्रिक्स समिट के लिए रूस के राष्ट्रपति पुतिन को न्योता दिया था। मोदी ने कहा था- “भारत कुछ दिनों बाद ब्रिक्स समिट का आयोजन कर रहा है। सभी सभी भारतीय आपका और आपके प्रतिनिधिमंडल का स्वागत करने के लिए बहुत उत्सुक हैं।” पुतिन बोले- रूस में पढ़ने वाले भारतीय छात्रों की संख्या 7 गुना बढ़ी राष्ट्रपति पुतिन ने पीएम मोदी से मुलाकात के बाद कहा- रूस में पढ़ने वाले छात्रों की संख्या के मामले में भारत टॉप लिस्ट में शामिल है। पिछले कुछ सालों में यह संख्या 7 गुना बढ़कर 40,000 हो गई है। हम नियमित रूप से भारत और रूस के सांस्कृतिक उत्सव आयोजित करते हैं। हमारे बीच पर्यटकों का आना-जाना भी काफी होता है, जिसमें 16% की वृद्धि देखी गई है। पीएम ने प्रवासी भारतीयों से मुलाकात की पीएम मोदी ने किर्गिस्तान में भारत से जुड़े लोगों से मुलाकात की, जिनमें प्रवासी सदस्य, शिक्षाविद, शोधकर्ता, ITEC पूर्व छात्र और योग अभ्यासकर्ता शामिल थे। अगले साल पाकिस्तान को मिल सकती है मेजबानी यह SCO के 25 साल पूरे होने पर आयोजित ऐतिहासिक सम्मेलन है। यूरेशिया की सुरक्षा, व्यापार और रणनीतिक संतुलन के लिहाज से यह साल का सबसे महत्वपूर्ण बहुपक्षीय सम्मेलन माना जा रहा है। समिट के बाद किर्गिस्तान की अध्यक्षता समाप्त होगी और 2026–27 की अध्यक्षता पाकिस्तान को सौंपे जाने की उम्मीद है। 2027 का SCO शिखर सम्मेलन पाकिस्तान में प्रस्तावित है। ——————————————- ये खबर भी पढ़ें… किर्गिस्तान में पुतिन-मोदी की मुलाकात, दोनों लीडर गले मिले:PM ने BRICS के लिए न्योता दिया; एक ही कार में बैठकर नोमैड गेम्स सेरेमनी में पहुंचे पीएम मोदी और रूस के राष्ट्रपति व्लादिमिर पुतिन की किर्गिस्तान की राजधानी बिश्केक में SCO शिखर सम्मेलन के दौरान मुलाकात हुई। यह बैठक करीब 10 मिनट चली। पूरी खबर पढ़ें… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔
Terrorist Paramjit Pamma Threatens Gangster Goldy Brar

खालिस्तानी आतंकी परमजीत सिंह पम्मा ने गैंगस्टर गोल्डी बराड़ को धमकी दी है। फाइल फोटो ब्रिटेन(UK) में बैठे खालिस्तानी आतंकी परमजीत सिंह पम्मा ने गैंगस्टर गोल्डी बराड़ को धमकी दी है। पम्मा ने कहा कि बहाने से बात कर गोल्डी ने कॉल रिकॉर्डिंग लीक कर दी। कनाडा में हरदीप निज्जर को मरवाकर अच्छा नहीं किया। गोल्डी बराड़ एजेंसियों का बंदा है। पम् . गैंगस्टर गोल्डी बराड़ ने लॉरेंस के साथ मिलकर पंजाबी सिंगर सिद्धू मूसेवाला का कत्ल कराया था। वहीं परमजीत सिंह पम्मा को जुलाई 2020 में भारतीय गृह मंत्रालय ने UAPA के तहत आतंकी घोषित किया है। वह NIA की मोस्ट वांटेड सूची में है। NIA के अनुसार उसका संबंध Khalistan Tiger Force (KTF) से रहा है। हरदीप निज्जर भी इसी संगठन से जुड़ा था। इससे पहले सिख फॉर जस्टिस (SFJ) का आतंकी गुरपतवंत सिंह पन्नू भी गोल्डी बराड़ को धमका चुका है। पन्नू ने बदला लेने की धमकी देते हुए कहा था कि गोल्डी FBI, कनाडाई या अमेरिकी अदालतों से बच सकता है लेकिन ‘खालसा न्याय’ से नहीं बच पाएगा। आतंकी पम्मा ने गैंगस्टर गोल्डी बराड़ के लिए क्या-क्या कहा… 365 दिन छोड़, तुझे 366 दिन दिए, टाइम बताकर आना: परमजीत सिंह पम्मा ने ऑडियो लीक की ड्रामेबाजी पर कड़ा ऐतराज जताते हुए कहा कि यह सब भारतीय सरकारी एजेंसियों के पाले हुए करिंदों का काम है। पम्मा ने कहा, “अब मुझे धमकियां भेजी जा रही हैं कि 1 साल में तुझे मार देंगे। मैं कहता हूं कि 365 दिन छोड़ो, मैं तुझे 366 दिन देता हूं। पिछले 37 सालों में मुझे कोई नहीं मार पाया। बीते 12 वर्षों में जितनी बार भी मुझ पर हमले की कोशिश की गई, उसमें तुम्हारा भेजा हुआ एक बंदा आज तक वापस नहीं मिला। जाकर ढूंढो कि वह व्यक्ति कहां गया। पम्मा ने सीधी चुनौती देते हुए कहा कि जिसे भी मेरे खिलाफ आना है, वह दिन और तारीख बताकर सामने आए, उस दिन बताएंगे कि सामना कैसे होता है। निज्जर की पीठ पर छुरा घोंपा: पम्मा ने गोल्डी बराड़ पर आरोप लगाया कि उसने हरदीप सिंह निज्जर की पीठ में छुरा घोंपकर उसकी हत्या करवाई है। पम्मा ने कहा कि अगर हिम्मत थी तो निज्जर को बताकर आते कि तुम्हें मारने आ रहे हैं, फिर वह बताता कि बदला कैसे लिया जाता है। तुमने उसे मारकर बदनाम करने की नीच कोशिश की है, लेकिन निज्जर ने कौम के लिए काम किया है। वह गुरु महाराज के दरबार का सच्चा सेवादार था। आज दुनिया भर के गुरुद्वारा साहिबों में उसकी तस्वीरें लगी हैं।” पम्मा ने गोल्डी को चेतावनी दी कि उसका हश्र ऐसा होगा कि सिख समाज के किसी गुरुद्वारे में उसका भोग तक नहीं डाला जाएगा। तेरी उम्र से ज्यादा समय निज्जर के साथियों ने जेल में बिताया: पम्मा ने गोल्डी बराड़ को कहा- काका जितनी तेरी कुल उम्र नहीं है, उससे ज्यादा समय हरदीप सिंह निज्जर के साथियों को जेलों में काट चुका था। वे कभी किसी के आगे घुटने नहीं टेकते थे। सिख कौम आज निज्जर के माता-पिता को पलकों पर बैठाती है, जबकि गैंगस्टर और उनके साथी अपनी लाचार हालत देखें कि वे किस तरह दर-दर भटक रहे हैं। सरकारी एजेंसियों की कठपुतली हो, FBI की चार्जशीट पढ़ो: पम्मा ने गोल्डी बराड़ को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि वह और उसका गैंग पूरी तरह से दिल्ली सरकार और भारतीय एजेंसियों के टुकड़ों पर पल रहे हैं। पम्मा ने कहा- तुम जो कहानियां बना रहे हो कि यह कोई आपसी पंगा था, वह सिर्फ अपने आकाओं को बचाने की नाकाम कोशिश है। यूएसए (USA) की फेडरल इंडाइटमेंट और एफबीआई (FBI) की चार्जशीट मंगवाकर पढ़ लो, तुम्हें एफआईआर पढ़ने का बहुत शौक है। अगर यह आपसी मामला था तो अमेरिकी एजेंसियों ने भारतीय अफसर पर केस क्यों दर्ज किया? एफबीआई ने लोकेशन ट्रेस करने और फोन कॉल्स के जो सबूत पकड़े हैं, उससे साफ है कि तुम एजेंसियों के इशारे पर सिखों को बदनाम कर रहे हो। तुम गैंगस्टर नहीं, फिरौती वसूलने वाले दलाल हो: पम्मा ने गोल्डी बराड़ के गैंगस्टर होने के दावे की धज्जियां उड़ाते हुए कहा कि वह कोई स्पेशल गैंग नहीं चलाता। पम्मा ने कहा कि तुम्हारी असलियत यह है कि तुम गलियों में पट्टे पहनकर घूम रहे हो। तुम बच्चों को डराकर और धमकियां देकर फिरौती मांगते हो। शुरुआत में मिलियन (लाखों) डॉलर की मांग करते हो और बाद में 5 हजार डॉलर पर निपटारा कर लेते हो। यह किसी गैंगस्टर की निशानी नहीं, बल्कि सीधी दलाली है। तुम किसी कोने में बैठकर रोओगे कि तुमने कितना गंदा काम किया है।” तुमने अपने ही डेथ वारंट पर दस्तखत किए: पम्मा ने ऑडियो में कहा कि निज्जर कौम का पवित्र शहीद है, जो अपनी आखिरी सांस तक लड़ा। पम्मा ने कहा कि तूने एक पवित्र इंसान को मारकर इतना बड़ा पाप किया है कि यह पाप ही तुझे खत्म कर देगा। तूने अपने चेहरे पर गद्दारी का ऐसा दाग लगाया है जिससे तेरी आने वाली पीढ़ियां कलंकित हो गई हैं। लोगों ने तेरी फोटो पर कुत्ते का मुंह लगाकर तुझे गद्दार घोषित कर दिया है। निज्जर की हत्या करके गोल्डी ने अपने और अपने गैंग के अंत के वारंट पर खुद दस्तखत कर दिए हैं। 40 के बदले 4000 गोलियां चलाएंगे: परमजीत सिंह पम्मा ने कहा कि 12 जुलाई को हुई बातचीत में गोल्डी ने खुद कहा था कि वह अपना पक्ष रखना चाहता है और इसे रिकॉर्ड न करने की बात कही थी। लेकिन गोल्डी ने खुद ही आधी-अधूरी ऑडियो लीक करके धोखा दिया। पम्मा ने कहा, “जब लॉरेंस के साथ तेरा पेंच फंसा था, तब तू रोया था।तेरे अपने साथी फोन करके पूछते हैं कि यह किस नस्ल का बंदा है। चेतावनी देते हुए पम्मा ने कहा, “दिल्ली वाले किसी के सगे नहीं होते। अगर मुकाबला करना है तो सामने आकर करो। किसी गाड़ी पर गोलियां चलाकर भागने वाले बुजदिलों को मत भेजना। तूने 40 गोलियां चलाई थीं, हम 4000 गोलियां चलाएंगे और मार-मारकर छन्नी बना देंगे। हमारे पास जो हथियार हैं, उनसे भी गोलियां ही निकलती हैं। निज्जर का खून चुप नहीं बैठेगा, वक्त आने पर तुम्हें हिसाब चुकाना पड़ेगा। रिकॉर्डिंग में गोल्डी बराड़ ने कनाडा में खालिस्तानी आतंकी हरदीप
एमी विर्क के टोरंटो शो में युवक भिड़े:लात-घूंसे चले, सिक्योरिटी गार्ड के हाथ में चोट; सिंगर ने नहीं रोका गाना

पंजाबी सिंगर-एक्टर एमी विर्क के कनाडा के टोरंटो शो में युवकों के दो गुट आपस में भिड़ गए। स्टेज के सामने शुरू हुई कहासुनी देखते ही देखते मारपीट में बदल गई। दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर जमकर लात-घूंसे चलाए। जिससे शो के वेन्यू में अफरा-तफरी मच गई। हंगामा बढ़ता देख सिक्योरिटी गार्ड्स को बीच-बचाव करना पड़ा। इस दौरान एक सिक्योरिटी गार्ड के हाथ में भी चोट लग गई। जिस वक्त ये झड़प हुई, एमी विर्क स्टेज पर परफॉर्म कर रहे थे। हंगामा सामने होने के बावजूद उन्होंने अपना गाना नहीं रोका। वह कुछ देर युवकों की तरफ देखते भी नजर आए। गानों के दौरान शुरू हुआ विवाद 30 अगस्त को एमी विर्क की नाइट ग्रेट कैनेडियन कैसीनो रिसॉर्ट में आयोजित की गई थी। इसी दौरान गानों के बीच दर्शकों के सामने कुछ युवक आपस में उलझ गए। कुछ ही देर में विवाद इतना बढ़ गया कि दोनों गुटों के बीच मारपीट शुरू हो गई। आसपास मौजूद दर्शक अपनी सीटों से उठकर घटना देखने लगे। सिक्योरिटी ने युवक को पकड़कर बाहर निकाला हंगामा शांत कराने के लिए सिक्योरिटी गार्ड्स मौके पर पहुंचे। उन्होंने युवकों को अलग करने की कोशिश की। इसी दौरान एक सिक्योरिटी गार्ड के हाथ में चोट लग गई। सिक्योरिटी ने एक युवक को पकड़कर वेन्यू से बाहर निकाल दिया। घटना की वजह को लेकर अलग-अलग बातें सामने आ रही हैं। हूटिंग को लेकर विवाद शुरू होने की बात कही जा रही है, जबकि एक प्रत्यक्षदर्शी ने मामूली बात या छेड़छाड़ से विवाद शुरू होने की आशंका जताई। यूजर आकृति ने शेयर किया था वीडियो इंस्टाग्राम यूजर आकृति ने झड़प का वीडियो शेयर किया था, जिसे बाद में हटा दिया गया। वीडियो के साथ उन्होंने बताया कि कुछ लोगों ने एक युवक को पीटना शुरू कर दिया था। उन्होंने कहा कि बड़ी संख्या में सिक्योरिटी मौके पर पहुंची। बीच-बचाव के दौरान सिक्योरिटी कर्मचारियों को भी चोट लगी। शो अच्छा चल रहा था, लेकिन झगड़े के कारण कुछ देर के लिए माहौल खराब हो गया। आकृति ने यह भी कहा कि उन्हें विवाद की सही वजह नहीं पता और छेड़छाड़ या किसी बात को लेकर कहासुनी होने की संभावना हो सकती है। 5 साल पहले स्टेज पर फेंकी थी ब्रा एमी विर्क के विदेशी शो से जुड़ा एक अलग वीडियो दिसंबर 2021 में भी सामने आया था। 19 दिसंबर को बर्मिंघम, UK में लाइव शो के दौरान एक महिला फैन ने स्टेज पर अपनी ब्रा फेंक दी थी। एमी ने उसे देखा और पैर से स्टेज से हटाते हुए पंजाबी में कहा था- “एह मेरे कम्म दी चीज ही नहीं” यानी ये मेरे काम की चीज नहीं है। एमी विर्क से जुड़े 5 विवाद…
नेपाल बाढ़ में फंसी एक्ट्रेस मानसी भारत लौटीं:एयरपोर्ट पर बेटी को गले लगाकर भावुक हुईं; लैंडस्लाइड के बाद पैदल बॉर्डर पार किया

नेशनल अवॉर्ड विनिंग एक्ट्रेस मानसी पारेख कैलाश मानसरोवर यात्रा के दौरान नेपाल-तिब्बत सीमा पर आई भीषण बाढ़ के बीच फंसने के बाद सुरक्षित मुंबई लौट आई हैं। मुंबई एयरपोर्ट पर वे अपने पति और बेटी को गले लगाकर भावुक दिखाई दीं। तिब्बत में भूस्खलन होने के कारण उन्हें 4 घंटे तक बस में इंतजार करना पड़ा। इसके बाद वे पैदल खराब रास्ता पार कर नेपाल सीमा पहुंचीं और काठमांडू होते हुए मुंबई अपने परिवार के पास पहुंचीं। मानसी ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर इस पूरे अनुभव को शेयर करते हुए जंग जीतने जैसा बताया है। पैदल पार किया लैंडस्लाइड वाला रास्ता एक्ट्रेस मानसी पारेख ने इंस्टाग्राम पर पोस्ट शेयर कर इस पूरे मामले की जानकारी दी है। भूस्खलन हकी वजह से रास्ता साफ होने तक उनकी बस 4 घंटे तक वहीं खड़ी रही। इसके बाद करीब 40 मील का सफर तय करके उनकी टीम नेपाल बॉर्डर पहुंची। वहां एक और लैंडस्लाइड की वजह से रास्ता पूरी तरह बंद था। ऐसे में बस छोड़कर पैदल ही क्षतिग्रस्त इलाके को पार करना पड़ा, ताकि दूसरी तरफ खड़ी बसों तक पहुंचा जा सके। ‘जंग जीतने जैसा था मुंबई वापस लौटना’ मानसी ने अपनी पोस्ट में लिखा कि चीन से निकलकर नेपाल सीमा तक पहुंचना किसी जंग को जीतने जैसा महसूस हो रहा था। नेपाल सीमा पार करने के बाद काठमांडू तक का 4 घंटे का बस सफर उनके जीवन का सबसे मुश्किल सफर रहा। मानसी ने लिखा कि तमाम मुश्किलों के बाद भी मुंबई वापस आना, अपने परिवार से मिलना और बेटी को गले लगाना सबसे राहत देने वाला पल था। जिस जगह हुआ था स्वागत, वह पानी में डूबी सोशल मीडिया पर 27 अगस्त को शेयर की गई एक अन्य पोस्ट में मानसी ने इस आपदा से जुड़ा एक भयानक संयोग भी बताया। उन्होंने उस जगह का वीडियो शेयर किया जहां वे आपदा आने से ठीक 5 दिन पहले रुकी थीं। मानसी के मुताबिक, 5 दिन पहले जिस जगह पर उनका स्वागत किया गया था, वह इलाका बाढ़ के पानी में पूरी तरह डूब चुका था। उन्होंने बताया कि जिस दिन वहां तबाही आई, वे अगले ही दिन फिर से उसी जगह पहुंचने वाली थीं। नेशनल अवॉर्ड विनर हैं मानसी पारेख मानसी पारेख ने अपने अभिनय करियर की शुरुआत साल 2004 में टीवी शो ‘कितनी मस्त है जिंदगी’ से की थी। इसके बाद वे ‘इंडिया कॉलिंग’, ‘गुलाल’ और ‘सुमित संभाल लेगा’ जैसे लोकप्रिय टीवी धारावाहिकों में नजर आईं। अभिनय के साथ-साथ मानसी एक प्रशिक्षित गायिका भी हैं और उन्होंने साल 2011 में जी टीवी का सिंगिंग रिएलिटी शो ‘स्टार या रॉकस्टार’ जीता था। बॉलीवुड में उन्होंने साल 2019 की फिल्म ‘उरी: द सर्जिकल स्ट्राइक’ में अहम भूमिका निभाई थी। मानसी गुजराती सिनेमा में बतौर एक्ट्रेस और प्रोड्यूसर काफी सक्रिय हैं। साल 2024 में 70वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों में उन्हें गुजराती फिल्म ‘कच्छ एक्सप्रेस’ में बेहतरीन अभिनय के लिए सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री (बेस्ट एक्ट्रेस) का नेशनल अवॉर्ड मिला था। नेपाल-तिब्बत सीमा पर बाढ़ से भारी तबाही नेपाल और तिब्बत के सीमावर्ती इलाकों में 26 अगस्त को अचानक आई बाढ़ और भूस्खलन ने भारी तबाही मचाई है। नेपाल के रसुवा, नुवाकोट और धादिंग जिले इस आपदा से सबसे ज्यादा प्रभावित हुए हैं। स्थानीय प्रशासन और राहत एजेंसियों की रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस आपदा में अब तक नेपाल और तिब्बत में मिलाकर 900 से अधिक लोगों की जान जा चुकी है। वहीं अकेले नेपाल के हिस्सों से 4 हजार से ज्यादा लोग लापता बताए जा रहे हैं। बाढ़ की वजह से कई पुल, सड़कें और मकान पूरी तरह बह गए हैं।
नेपाल बाढ़ में फंसी एक्ट्रेस मानसी भारत लौटीं:एयरपोर्ट पर बेटी को गले लगाकर भावुक हुईं; लैंडस्लाइड के बाद पैदल बॉर्डर पार किया

नेशनल अवॉर्ड विनिंग एक्ट्रेस मानसी पारेख कैलाश मानसरोवर यात्रा के दौरान नेपाल-तिब्बत सीमा पर आई भीषण बाढ़ के बीच फंसने के बाद सुरक्षित मुंबई लौट आई हैं। मुंबई एयरपोर्ट पर वे अपने पति और बेटी को गले लगाकर भावुक दिखाई दीं। तिब्बत में भूस्खलन होने के कारण उन्हें 4 घंटे तक बस में इंतजार करना पड़ा। इसके बाद वे पैदल खराब रास्ता पार कर नेपाल सीमा पहुंचीं और काठमांडू होते हुए मुंबई अपने परिवार के पास पहुंचीं। मानसी ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर इस पूरे अनुभव को शेयर करते हुए जंग जीतने जैसा बताया है। पैदल पार किया लैंडस्लाइड वाला रास्ता एक्ट्रेस मानसी पारेख ने इंस्टाग्राम पर पोस्ट शेयर कर इस पूरे मामले की जानकारी दी है। भूस्खलन हकी वजह से रास्ता साफ होने तक उनकी बस 4 घंटे तक वहीं खड़ी रही। इसके बाद करीब 40 मील का सफर तय करके उनकी टीम नेपाल बॉर्डर पहुंची। वहां एक और लैंडस्लाइड की वजह से रास्ता पूरी तरह बंद था। ऐसे में बस छोड़कर पैदल ही क्षतिग्रस्त इलाके को पार करना पड़ा, ताकि दूसरी तरफ खड़ी बसों तक पहुंचा जा सके। ‘जंग जीतने जैसा था मुंबई वापस लौटना’ मानसी ने अपनी पोस्ट में लिखा कि चीन से निकलकर नेपाल सीमा तक पहुंचना किसी जंग को जीतने जैसा महसूस हो रहा था। नेपाल सीमा पार करने के बाद काठमांडू तक का 4 घंटे का बस सफर उनके जीवन का सबसे मुश्किल सफर रहा। मानसी ने लिखा कि तमाम मुश्किलों के बाद भी मुंबई वापस आना, अपने परिवार से मिलना और बेटी को गले लगाना सबसे राहत देने वाला पल था। जिस जगह हुआ था स्वागत, वह पानी में डूबी सोशल मीडिया पर 27 अगस्त को शेयर की गई एक अन्य पोस्ट में मानसी ने इस आपदा से जुड़ा एक भयानक संयोग भी बताया। उन्होंने उस जगह का वीडियो शेयर किया जहां वे आपदा आने से ठीक 5 दिन पहले रुकी थीं। मानसी के मुताबिक, 5 दिन पहले जिस जगह पर उनका स्वागत किया गया था, वह इलाका बाढ़ के पानी में पूरी तरह डूब चुका था। उन्होंने बताया कि जिस दिन वहां तबाही आई, वे अगले ही दिन फिर से उसी जगह पहुंचने वाली थीं। नेशनल अवॉर्ड विनर हैं मानसी पारेख मानसी पारेख ने अपने अभिनय करियर की शुरुआत साल 2004 में टीवी शो ‘कितनी मस्त है जिंदगी’ से की थी। इसके बाद वे ‘इंडिया कॉलिंग’, ‘गुलाल’ और ‘सुमित संभाल लेगा’ जैसे लोकप्रिय टीवी धारावाहिकों में नजर आईं। अभिनय के साथ-साथ मानसी एक प्रशिक्षित गायिका भी हैं और उन्होंने साल 2011 में जी टीवी का सिंगिंग रिएलिटी शो ‘स्टार या रॉकस्टार’ जीता था। बॉलीवुड में उन्होंने साल 2019 की फिल्म ‘उरी: द सर्जिकल स्ट्राइक’ में अहम भूमिका निभाई थी। मानसी गुजराती सिनेमा में बतौर एक्ट्रेस और प्रोड्यूसर काफी सक्रिय हैं। साल 2024 में 70वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों में उन्हें गुजराती फिल्म ‘कच्छ एक्सप्रेस’ में बेहतरीन अभिनय के लिए सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री (बेस्ट एक्ट्रेस) का नेशनल अवॉर्ड मिला था। नेपाल-तिब्बत सीमा पर बाढ़ से भारी तबाही नेपाल और तिब्बत के सीमावर्ती इलाकों में 26 अगस्त को अचानक आई बाढ़ और भूस्खलन ने भारी तबाही मचाई है। नेपाल के रसुवा, नुवाकोट और धादिंग जिले इस आपदा से सबसे ज्यादा प्रभावित हुए हैं। स्थानीय प्रशासन और राहत एजेंसियों की रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस आपदा में अब तक नेपाल और तिब्बत में मिलाकर 900 से अधिक लोगों की जान जा चुकी है। वहीं अकेले नेपाल के हिस्सों से 4 हजार से ज्यादा लोग लापता बताए जा रहे हैं। बाढ़ की वजह से कई पुल, सड़कें और मकान पूरी तरह बह गए हैं।
