Wednesday, 22 Apr 2026 | 03:07 AM

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कनाडा में खालिस्तानियों ने 100-100 डॉलर देकर जुटाई भीड़:मंदिर के बाहर हिंदू-भारत विरोधी नारे लगाए; बोले- हरियाणा-दिल्ली, बीकानेर हमारे

कनाडा में खालिस्तानियों ने 100-100 डॉलर देकर जुटाई भीड़:मंदिर के बाहर हिंदू-भारत विरोधी नारे लगाए; बोले- हरियाणा-दिल्ली, बीकानेर हमारे

कनाडा के ब्रैम्पटन शहर में खालिस्तानियों ने त्रिवेणी मंदिर के बाहर भारत के खिलाफ नारे लगाए। खालिस्तानियों के जुटने से शहर में 2 घंटे तक तनावपूर्ण माहौल रहा। हिंसक घटना को रोकने के लिए कनाडा पुलिस का भारी बल तैनात रहा। खालिस्तानियों ने नारे लगाते हुए हरियाणा-दिल्ली और बीकानेर पर अपना हक बताया। वहीं, सोशल मीडिया पर दावा किया जा रहा है कि प्रदर्शन के लिए ये खालिस्तान समर्थक भाड़े पर लाए गए थे। एक्स पर एक यूजर दर्शन महाराजा ने लिखा कि खालिस्तानी आतंकियों ने लोगों को जुटाने के लिए 100-100 डॉलर का लालच दिया। इसके चलते 40 से 50 के करीब लोगों को नारे लगाने के लिए उकसाया गया। सरे में प्रदर्शन नहीं करने दिया 5 मार्च की दोपहर जब मंदिर में श्रद्धालु पूजा-अर्चना के लिए इकट्‌ठे हो रहे थे, तभी दोपहर लगभग 12 बजे से 2 बजे के बीच मंदिर के सामने वाली सड़क पर खालिस्तान समर्थक जमा होने शुरू हो गए। प्रतिबंधित संगठन सिख फॉर जस्टिस (SFJ) हिंदू मंदिरों के बाहर विरोध दर्ज करवाया। इसी तरह का एक प्रदर्शन ब्रिटिश कोलंबिया के सरे स्थित लक्ष्मी नारायण मंदिर के बाहर भी प्रस्तावित था, लेकिन वहां खालिस्तानियों को प्रदर्शन नहीं करने दिया गया। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया किया कि प्रदर्शन में लगभग 40 लोग मौजूद थे। ये लोग सड़क किनारे लगाए गए मेटल बैरिकेड्स के पीछे खड़े होकर पीले खालिस्तानी झंडे लहरा रहे थे। प्रदर्शनकारियों के हाथों में कुछ विवादित पोस्टर भी थे, जिन पर वांटेड लिखा हुआ था और कुछ व्यक्तियों की तस्वीरें भी थीं। दावा- प्रदर्शन में भीड़ जुटाने के लिए दिया था 100 डालर देने का लालच इस पूरे घटनाक्रम में सबसे चौंकाने वाला मोड़ तब आया जब घटनास्थल पर मौजूद विश्लेषक और फ्रीलांस पत्रकार दर्शन महाराजा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर खुलासा किया। महाराजा ने बताया कि वहां मौजूद एक व्यक्ति ने ऑफ-कैमरा उन्हें जानकारी दी कि इस प्रदर्शन में शामिल होने के लिए प्रत्येक व्यक्ति को 100 कनाडाई डॉलर दिए जा रहे हैं। यह दावा सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया, जिससे इन प्रदर्शनों पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। आलोचकों का कहना है कि कनाडा में खालिस्तानी आंदोलन को जीवित दिखाने के लिए अब भाड़े की भीड़ का सहारा लिया जा रहा है। दर्शन महाराजा ने कनाडाई राजनीति पर कटाक्ष करते हुए कहा कि पिछले 50 वर्षों में वोट और डोनेशन के लालच में यहां के नेताओं ने ऐसे तत्वों को संरक्षण दिया है। उसी का नतीजा है कि आज ये लोग बेलगाम हो चुके हैं। झड़प रोकने के लिए मौके पर रही कड़ी सुरक्षा प्रदर्शन की संवेदनशीलता को देखते हुए पील रीजनल पुलिस मुस्तैद रही। मंदिर के आसपास की सड़कों पर पुलिस की सफेद SUV लगातार गश्त कर रही थीं। किसी भी संभावित झड़प को रोकने के लिए 100 मीटर का सेफ्टी जोन बनाया गया था। पुलिस की मुस्तैदी के कारण कोई हिंसा या शोर-शराबा नहीं हुआ। प्रदर्शन में एक और दिलचस्प पहलू यह रहा कि इतने संवेदनशील मुद्दे के बावजूद कनाडा मीडिया ने खालिस्तानियों को कवरेज नहीं दी। स्थानीय हिंदू समुदाय का आरोप है कि कनाडाई मीडिया अक्सर ऐसे मामलों को नजरअंदाज करता है। हिंदू समुदाय ने दी अपनी तीखी प्रतिक्रिया हिंदू कनाडियन फाउंडेशन (HCF) और त्रिवेणी मंदिर प्रशासन ने इस प्रदर्शन की निंदा की है। समुदाय के नेताओं का कहना है कि पूजा स्थलों के बाहर इस तरह के राजनीतिक प्रदर्शनों का एकमात्र उद्देश्य भक्तों को डराना और शांति भंग करना है। HCF ने एक बयान में कहा कि हम अपने पूजा करने के अधिकार की रक्षा करेंगे। किसी भी प्रकार की धमकी या उकसावे वाली कार्रवाई हमें हमारे विश्वास से पीछे नहीं हटा सकती। मंदिर जाने वाले श्रद्धालुओं ने भी इस बात पर नाराजगी जताई कि उन्हें अपने ही पूजा स्थल पर जाने के लिए पुलिस बैरिकेड्स और विरोध प्रदर्शनों का सामना करना पड़ रहा है। सोशल मीडिया पर छिड़ी पोस्ट वार भारतीय और हिंदू यूजर्स ने इसे ISI प्रायोजित ड्रामा करार दिया और 100 डॉलर वाले दावे पर तंज कसते हुए कहा कि अब इस आंदोलन की हकीकत सामने आ गई है। सिख समुदाय के एक बड़े वर्ग ने भी इन प्रदर्शनकारियों से खुद को अलग करते हुए कहा कि 20-25 लोग पूरी कम्युनिटी का प्रतिनिधित्व नहीं करते और वे मंदिर का पूरा सम्मान करते हैं। वहीं, दूसरी ओर कुछ प्रदर्शनकारियों ने पैसे मिलने की बात को सिरे से खारिज करते हुए इसे अपना वैचारिक संघर्ष बताया।

विक्की कौशल ने राकेश बेदी को इंटरव्यू में किया फोन:कहा- धुरंधर 2 में आप जब-जब स्क्रीन पर आए, बहुत मजा आया; राकेश बोले- 'बच्चा है तू मेरा'

विक्की कौशल ने राकेश बेदी को इंटरव्यू में किया फोन:कहा- धुरंधर 2 में आप जब-जब स्क्रीन पर आए, बहुत मजा आया; राकेश बोले- 'बच्चा है तू मेरा'

सीनियर एक्टर राकेश बेदी इन दिनों अपनी फिल्म ‘धुरंधर 2: द रिवेंज’ में अपनी एक्टिंग और परफॉर्मेंस के लिए चर्चा में हैं। हाल ही में एक इंटरव्यू के दौरान उनके पास एक्टर विक्की कौशल का फोन आया। विक्की ने राकेश बेदी की परफॉर्मेंस की जमकर तारीफ की और बताया कि फिल्म में उनका काम कितना शानदार है। इस बातचीत के दौरान दोनों एक्टर्स के बीच मजेदार केमिस्ट्री देखने को मिली, जिसका वीडियो अब वायरल हो रहा है। विक्की बोले- स्क्रीन पर आपको देखकर मजा आ गया द लल्लनटॉप को दिए इंटरव्यू के बीच में ही विक्की कौशल ने राकेश बेदी को फोन लगाया। विक्की ने अपनी खुशी जाहिर करते हुए कहा, परसों रात ही मैंने फिल्म ‘धुरंधर: द रिवेंज देखी और मैं आपके काम से पूरी तरह दंग रह गया हूं। फिल्म में आपकी परफॉर्मेंस अविश्वसनीय है। आप जब-जब स्क्रीन पर आए, बहुत मजा आया। मुझे यकीन है कि फिल्म देखने वाला हर इंसान यही महसूस कर रहा होगा। विक्की की ये बातें सुनकर राकेश बेदी भी काफी खुश नजर आए। राकेश बोले- ‘बच्चा है तू मेरा’ बातचीत के दौरान राकेश बेदी से उनका फेमस डायलॉग “बच्चा है तू मेरा” बोलने की गुजारिश की गई। विक्की ने मजाक में कहा कि राकेश बेदी जैसे सीनियर एक्टर के सामने तो हर कलाकार बच्चा ही है। इस पर राकेश बेदी हंसने लगे और मजाकिया अंदाज में बोले, “चल तू बोल रहा है तो मैं भी बोल देता हूं- बच्चा है तू मेरा” । फिल्म में पाकिस्तानी नेता और जासूस का रोल ‘धुरंधर 2’ में राकेश बेदी ने ‘जमील जमाली’ का किरदार निभाया है। फिल्म की शुरुआत में वह कराची के एक लाउड और मजाकिया पाकिस्तानी राजनेता के रूप में नजर आते हैं। हालांकि, फिल्म के क्लाइमेक्स में एक बड़ा ट्विस्ट आता है। उनके इस किरदार में कॉमेडी और गंभीरता का जो बैलेंस दिखा है।

विक्की कौशल ने राकेश बेदी को इंटरव्यू में किया फोन:कहा- धुरंधर 2 में आप जब-जब स्क्रीन पर आए, बहुत मजा आया; राकेश बोले- 'बच्चा है तू मेरा'

विक्की कौशल ने राकेश बेदी को इंटरव्यू में किया फोन:कहा- धुरंधर 2 में आप जब-जब स्क्रीन पर आए, बहुत मजा आया; राकेश बोले- 'बच्चा है तू मेरा'

सीनियर एक्टर राकेश बेदी इन दिनों अपनी फिल्म ‘धुरंधर 2: द रिवेंज’ में अपनी एक्टिंग और परफॉर्मेंस के लिए चर्चा में हैं। हाल ही में एक इंटरव्यू के दौरान उनके पास एक्टर विक्की कौशल का फोन आया। विक्की ने राकेश बेदी की परफॉर्मेंस की जमकर तारीफ की और बताया कि फिल्म में उनका काम कितना शानदार है। इस बातचीत के दौरान दोनों एक्टर्स के बीच मजेदार केमिस्ट्री देखने को मिली, जिसका वीडियो अब वायरल हो रहा है। विक्की बोले- स्क्रीन पर आपको देखकर मजा आ गया द लल्लनटॉप को दिए इंटरव्यू के बीच में ही विक्की कौशल ने राकेश बेदी को फोन लगाया। विक्की ने अपनी खुशी जाहिर करते हुए कहा, परसों रात ही मैंने फिल्म ‘धुरंधर: द रिवेंज देखी और मैं आपके काम से पूरी तरह दंग रह गया हूं। फिल्म में आपकी परफॉर्मेंस अविश्वसनीय है। आप जब-जब स्क्रीन पर आए, बहुत मजा आया। मुझे यकीन है कि फिल्म देखने वाला हर इंसान यही महसूस कर रहा होगा। विक्की की ये बातें सुनकर राकेश बेदी भी काफी खुश नजर आए। राकेश बोले- ‘बच्चा है तू मेरा’ बातचीत के दौरान राकेश बेदी से उनका फेमस डायलॉग “बच्चा है तू मेरा” बोलने की गुजारिश की गई। विक्की ने मजाक में कहा कि राकेश बेदी जैसे सीनियर एक्टर के सामने तो हर कलाकार बच्चा ही है। इस पर राकेश बेदी हंसने लगे और मजाकिया अंदाज में बोले, “चल तू बोल रहा है तो मैं भी बोल देता हूं- बच्चा है तू मेरा” । फिल्म में पाकिस्तानी नेता और जासूस का रोल ‘धुरंधर 2’ में राकेश बेदी ने ‘जमील जमाली’ का किरदार निभाया है। फिल्म की शुरुआत में वह कराची के एक लाउड और मजाकिया पाकिस्तानी राजनेता के रूप में नजर आते हैं। हालांकि, फिल्म के क्लाइमेक्स में एक बड़ा ट्विस्ट आता है। उनके इस किरदार में कॉमेडी और गंभीरता का जो बैलेंस दिखा है।

तेज रफ्तार आयशर ने तूफान गाड़ी को मारी टक्कर:4 की मौके पर मौत देवगुराड़िया ट्रेंचिंग ग्राउंड के पास भीषण हादसा; गुस्साए लोगों किया चक्काजाम

तेज रफ्तार आयशर ने तूफान गाड़ी को मारी टक्कर:4 की मौके पर मौत देवगुराड़िया ट्रेंचिंग ग्राउंड के पास भीषण हादसा; गुस्साए लोगों किया चक्काजाम

शहर के देवगुराड़िया इलाके में स्थित ट्रेंचिंग ग्राउंड के पास रविवार देर रात करीब ढाई बजे भीषण सड़क हादसे में चार लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि कई अन्य घायल हो गए। हादसे के बाद क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई और आक्रोशित लोगों ने चक्काजाम कर दिया। पुलिस के मुताबिक, तेज रफ्तार आयशर वाहन ने एक तूफान गाड़ी को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि तूफान गाड़ी के परखच्चे उड़ गए और उसमें सवार चार लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और राहत-बचाव कार्य शुरू किया गया। घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज जारी है। घटना के बाद स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश देखा गया। लोगों ने सड़क पर चक्काजाम कर विरोध जताया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाला और यातायात बहाल कराया। फिलहाल पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। हादसे के कारणों का पता लगाया जा रहा है।

भोपाल में बीबीए और बीटेक के स्टूडेंट्स को मारी गोली:कटारा हिल्स में शराब पार्टी कर रहे छात्रों ने की फायरिंग; धमकी देकर आरोपी हुए फरार

भोपाल में बीबीए और बीटेक के स्टूडेंट्स को मारी गोली:कटारा हिल्स में शराब पार्टी कर रहे छात्रों ने की फायरिंग; धमकी देकर आरोपी हुए फरार

भोपाल के कटारा हिल्स इलाके में एक छात्र ने बीटेक स्टूडेंट्स पर फायरिंग कर दी। तीन राउंड फायरिंग में दो गोलियां दो छात्रों को लगी हैं। दोनों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। आरोपी छात्र अपने साथियों के साथ शराब पार्टी कर रहा था और अभद्र भाषा का प्रयोग करते हुए शोर-शराबा कर रहा था। दोनों घायल छात्र अपने साथियों के साथ उसे समझाइश देने पहुंचे। इससे नाराज एक छात्र ने फायरिंग की और फरार हो गया। पुलिस ने आरोपी छात्र के खिलाफ हत्या के प्रयास का केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। फिलहाल आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है। पुलिस के मुताबिक, 23 वर्षीय वासु गुप्ता और 21 वर्षीय अंशु तेज पाटिल दोनों ही सेज यूनिवर्सिटी के छात्र हैं। वासु बीबीए थर्ड ईयर, जबकि अंशु बीटेक सेकंड ईयर का छात्र है। दोनों ही छात्र साथी छात्रों के साथ सेज सनसिटी फेज-1 कॉलोनी में रहते हैं। रायसेन रोड स्थित एलएनसीटी कॉलेज में रहने वाले सुधांशु सिंह और उसके साथी अक्सर कॉलोनी में रहने वाले अन्य छात्रों के पास मिलने आया करते हैं। देर रात तक शराब पार्टी करते हैं और अभद्र भाषा का इस्तेमाल करते हैं। रविवार तड़के सुबह तक आरोपी पार्टी कर रहे थे, इससे वासु व उनके साथियों को डिस्टर्बेंस हो रहा था। जब पीड़ित छात्र अपने साथियों के साथ आरोपियों को समझाइश देने पहुंचे तो सुधांशु और उसके साथियों ने उनसे बदसलूकी शुरू कर दी। विवाद बढ़ने पर सुधांशु ने अपने पास रखी देसी पिस्तौल से पहला राउंड हवा में फायर किया, जबकि दो राउंड वासु और अंशु पर फायर किए गए। वासु के कंधे में चोट लगी है, जबकि अंशु के पेट में गोली लगने से वह गंभीर रूप से घायल हो गया। वारदात के बाद आरोपी जान से मारने की धमकी देकर फरार हो गए। पुलिस ने सुधांशु सिंह सहित तीन अन्य के खिलाफ हत्या के प्रयास का केस दर्ज कर उनकी तलाश शुरू कर दी है।

पश्चिम बंगाल चुनाव 2026: ‘बंगाल के लोगों को भूख लगती है मोदी सरकार’, केंद्र पर अभिषेक बनर्जी ने कहा- झूठ बोला तो दो मुझे जेल भेज दिया

पश्चिम बंगाल चुनाव 2026: 'बंगाल के लोगों को भूख लगती है मोदी सरकार', केंद्र पर अभिषेक बनर्जी ने कहा- झूठ बोला तो दो मुझे जेल भेज दिया

त्वरित पढ़ें दिखाएँ एआई द्वारा उत्पन्न मुख्य बिंदु, न्यूज़ रूम द्वारा सत्यापित पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव से पहले ऑर्थोडॉक्स कांग्रेस (टीएमसी) के उम्मीदवार और रिपब्लिकन अभिषेक ने रविवार (5, 2026) को केंद्र की मोदी सरकार पर कई आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि चुनाव में टीएमसी टीएमसी बार-बार पश्चिम बंगाल की सत्ता में है, इसलिए केंद्र सरकार ने यहां के लोगों को पिछले पांच साल से राज्य का गुलाम बनाकर रखा है। केंद्र ने राज्य का एक लाख करोड़ से अधिक लाख करोड़ से अधिक का अभिषेक किया न्यूज एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, पूर्व बर्धमान जिले की एक रैली को लेकर अभिषेक बनर्जी ने कहा कि अगर वह झूठ बोल रहे हैं तो बीजेपी सबूतों के साथ अपना खंडन करे और उन्हें जेल भेज दे। उन्होंने कहा, ‘केंद्र ने राज्य की कंपनियों के लिए एक लाख करोड़ रुपये से अधिक की बिक्री अभी तक जारी नहीं की है। ऐसा पश्चिम बंगाल के गरीब लोगों को भूखा मारने के लिए किया जाता है, क्योंकि बंगाल के लोगों ने कांस्टीट्यूशनल क्षेत्र में लोक सभा कांग्रेस को सत्ता में रखा है।’ ममता बनर्जी ने तमाम मुश्किलों का सामना करते हुए अभिनन्दन किया पश्चिम बंगाल के डायमंड हार्बर सीट से समाजवादी पार्टी के नेता और विपक्ष ने कहा, ‘केंद्र ने इतनी मुश्किल क्यों नहीं की है, लेकिन मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने इस चुनौती का सामना किया है और ग्रामीण रोजगार के लिए कर्मश्री, आवास के लिए बंगलेर बारी और साझीदार संघ जैसी कंपनियों ने राज्य के लिए अपनी योग्यता से नामांकन किया है।’ उन्होंने कहा, ‘टीएमसी हमेशा आपके चेहरे पर मुस्कान देखना चाहती है, जबकि मोदी आपकी आंखों में आंखें मूंदकर देखना चाहते हैं क्योंकि आपके चेहरे पर विपक्षी उम्मीदवार बीजेपी को मात देते हैं।’ उन्होंने लोगों से अपील करते हुए कहा कि आप बंगाल विरोधी पार्टी को मुंहतोड़ जवाब देने के लिए इस साजिश की रचना करें। यह भी पढ़ें: असम विधानसभा चुनाव 2026: ‘हिमंता बिस्वा सरमा की पत्नी के पास 3 पासपोर्ट कैसे?’ कांग्रेस पर भड़के असम के सीएम, कहा- 48 घंटे के अंदर…

‘कांग्रेस ने जमीन पर कब्ज़ा किया, अवैध यात्रा को बढ़ावा दिया’, मारियानी में नारा दिया, ओडिशा के सीएम मोहन चरण माझी

'कांग्रेस ने जमीन पर कब्ज़ा किया, अवैध यात्रा को बढ़ावा दिया', मारियानी में नारा दिया, ओडिशा के सीएम मोहन चरण माझी

त्वरित पढ़ें दिखाएँ एआई द्वारा उत्पन्न मुख्य बिंदु, न्यूज़ रूम द्वारा सत्यापित असम में होने वाले अप्रैल वाले विधानसभा चुनाव को लेकर राज्य में मचे सियासी दंगल के बीच ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने रविवार (5, 2026) को जनता पार्टी (बीजेपी) के समर्थन में भारतीय रूपज्योति कुर्मी के समर्थन में मारियानी विधानसभा क्षेत्र में एक निवेशक को चुनावी मैदान में उतारा। अपने अर्थशास्त्र में मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने असम में पिछले एक दशक में हुए बदलावों को देखते हुए भाजपा सरकार की वकालत की। उन्होंने कहा कि पहले असम की ओर से अवशेषों और दांतों से जुड़े अवशेषों की पहचान की गई थी, लेकिन आज मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा के नेतृत्व में राज्य में शांति स्थापित हुई है। वर्तमान सरकार ने राज्य के मापदंडों को दी सुरक्षाः माझी ओडिशा के मुख्यमंत्री ने असम की अपार संपदा का जिक्र करते हुए यहां के पर्यटन और स्मारक क्षेत्रों के बारे में विशेष रूप से महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने काजीरंगा नेशनल पार्क का आरोप लगाते हुए कहा कि कांग्रेस शासन के दौरान कई गैंडों का शिकार हुआ था, जबकि वर्तमान सरकार ने पोटाशों की बेहतर सुरक्षा सुनिश्चित की थी। माझी ने बड़े पैमाने पर अवैध पर्यटन को बढ़ावा देने के प्रस्ताव का भी आरोप लगाया, जिससे भूमि व्यवस्था की समस्या गंभीर हो गई। उन्होंने कहा कि बीजेपी सरकार ने इस मुद्दे पर कठोर रुख अपनाया है और मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा के नेतृत्व में इस पर प्रभावी कार्रवाई की गई है. असम के विकास का कर रहे नेतृत्व माझी उन्होंने हिमंत बिस्वा सरमा के नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा कि वे न सिर्फ असम के विकास का नेतृत्व कर रहे हैं, बल्कि पूरे क्षेत्र की प्रगति में भी अहम भूमिका निभा रहे हैं। माझी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को श्रेय देते हुए कहा कि उनके घोटाले में असम का विकास प्रमुखता से किया जा रहा है, इसी कारण राज्य अब देश के विकास की दृष्टि का केंद्र बन गया है। इसके अलावा, ऐतिहासिक संदर्भ देते हुए कहा कि माझी ने चीन पर आक्रमण के समय का ज़िक्र किया था और कहा था कि उस दौर में प्रधानमंत्री सचिवालय नेहरू ने असम के लिए कम्युनिस्ट चिंता की लहर रखी थी, जबकि वर्तमान नेतृत्व ने ठोस विकास कार्य किए हैं। डबल इंजन सरकार ने नाव से मुक्त कराई भूमि माझी असम की आर्थिक और सांस्कृतिक पहचान पर प्रकाश डाला गया ओडिशा के सीएम मोहन चरण माझी ने असम चाय की वैश्विक पहचान और मुगा और एरी रेशम की अंतर्राष्ट्रीय ख्याति का भी उल्लेख किया। उन्होंने दावा किया कि डबल इंजन सरकार बनने के बाद लगभग 1.5 लाख करोड़ रुपये की शेष भूमि को मुक्त कराया गया है। माझी ने कहा कि भाजपा सरकार की विभिन्न योजनाओं से गरीबों, महिलाओं को लाभ मिला है और उनकी सरकार में सुधार हुआ है। चाय बागानों के बागानों को, जो लंबे समय से भूमि अधिकार के लिए संघर्ष कर रहे थे, अब भूमि आवंटन दिए जा रहे हैं और उनके दैनिक स्वामित्व में भी वृद्धि हुई है। ओडिशा के सीएम ने मारियानी से बीजेपी की ओर से समर्थन मांगा हालाँकि, मारियानी विधानसभा क्षेत्र में आयोजित मिश्रा के दौरान भाजपा प्रत्याशी रूपज्योति कुर्मी उपस्थित नहीं थे, फिर भी माझी ने आगामी चुनाव में जनता से अपने पक्ष में मतदान करने की अपील की। उन्होंने कहा कि भाजपा की जीत से क्षेत्र में शांति और विकास की शांति बनी रहेगी। उन्होंने मारियानी की जनता से भाजपा उम्मीदवार को स्थिरता और प्रगति के लिए समर्थन देने की अपील की। यह भी पढ़ें: असम विधानसभा चुनाव 2026: ‘हिमंता बिस्वा सरमा की पत्नी के पास 3 पासपोर्ट कैसे?’ कांग्रेस पर भड़के असम के सीएम, कहा- 48 घंटे के अंदर… (टैग्सटूट्रांसलेट)असम विधानसभा चुनाव 2026(टी)ओडिशा(टी)मोहन चरण माझी(टी)हिमंता बिस्वा सरमा(टी)बीजेपी(टी)कांग्रेस(टी)पीएम मोदी(टी)असम विधानसभा चुनाव 2026(टी)ओडिशा(टी)मोहन चरण माझी(टी)हिमंता बिस्वा सरमा(टी)भाजपा(टी)कांग्रेस(टी)पीएम मोदी

खुरई में तीन दिवसीय डोहेला महोत्सव शुरू:कैलाश खेर ने 'बम लहरी', 'तेरी दीवानी' गाने गाये; बोले- यह नजारा शिव धाम जैसा लग रहा

खुरई में तीन दिवसीय डोहेला महोत्सव शुरू:कैलाश खेर ने 'बम लहरी', 'तेरी दीवानी' गाने गाये; बोले- यह नजारा शिव धाम जैसा लग रहा

सागर जिले की खुरई तहसील में तीन दिनों तक चलने वाले डोहेला महोत्सव का शानदार आगाज रविवार रात से हो गया। कार्यक्रम की पहली शाम मशहूर गायक पद्मश्री कैलाश खेर के नाम रही, जिन्होंने अपने भजनों और गीतों से हजारों की भीड़ को मंत्रमुग्ध कर दिया। महोत्सव का उद्घाटन पूर्व गृहमंत्री और स्थानीय विधायक भूपेंद्र सिंह ने भगवान भोलेनाथ के अभिषेक और मां बीजासन की पूजा के साथ किया। “मुंबई और खुरई की दूरी खत्म हो गई” उद्घाटन के दौरान भूपेंद्र सिंह ने कहा कि डोहेला महोत्सव ने अब मुंबई और खुरई के बीच का फासला मिटा दिया है। उन्होंने बताया कि जिन बड़े कलाकारों को देखने के लिए लोग दूर-दूर जाते थे, उन्हें अब खुरई के ऐतिहासिक किले में बुलाया जाता है ताकि गरीब से गरीब व्यक्ति भी उन्हें सामने बैठकर सुन सके। उन्होंने युवाओं को किले का इतिहास बताते हुए कहा कि 1707 में राजा खेमचंद्र दांगी ने इसका निर्माण कराया था और आज यह शहर की सांस्कृतिक पहचान बन चुका है। कैलाश खेर ने खुरई को बताया “शिव का धाम” मंच पर आते ही कैलाश खेर ने खुरई की जनता की तारीफ की। उन्होंने कहा कि यहां का नजारा किसी पौराणिक स्थल या शिव धाम जैसा लग रहा है। उन्होंने विधायक भूपेंद्र सिंह की प्रशंसा करते हुए कहा कि तीन पीढ़ियों को एक साथ इतने अनुशासित तरीके से इकट्ठा करना किसी चमत्कार से कम नहीं है। कैलाश खेर ने ‘अल्लाह के बंदे’, ‘बम लहरी’, ‘तेरी दीवानी’ और ‘सइयां’ जैसे सुपरहिट गानों की प्रस्तुति दी, जिस पर लोग जमकर झूमे। होनहार खिलाड़ी और छात्र सम्मानित महोत्सव के मंच से खुरई का नाम रोशन करने वाली प्रतिभाओं का सम्मान भी किया गया। इसमें खेल जगत से जुन्नत कुर्मी (खो-खो), जय श्री पंथ (फुटबॉल), सृजल जैन (एथलेटिक्स) और कृष्णा सिंह दांगी (कराटे) को सम्मानित किया गया। साथ ही 10वीं और 12वीं की परीक्षा में मेरिट लिस्ट में आने वाले छात्र-छात्राओं को नकद पुरस्कार और प्रशस्ति पत्र दिए गए। कल होगी सिंगर अकासा सिंह की परफॉर्मेंस महोत्सव के दूसरे दिन यानी सोमवार को बॉलीवुड की मशहूर सिंगर अकासा सिंह अपनी सुरीली आवाज का जादू बिखेरेंगी। ‘खींच मेरी फोटो’ और ‘एथे आ’ जैसे गानों से मशहूर हुई अकासा सिंह की प्रस्तुति को लेकर युवाओं में भारी उत्साह देखा जा रहा है। आयोजन समिति ने सभी से इस सांस्कृतिक संध्या का आनंद लेने की अपील की है।

ग्वालियर में रेबीज से युवक की मौत, रोज 100+ मामले:5 दिन पहले एक शख्स ने अस्पताल में भर्ती कराया था; नाम दिया था 'गोलू'

ग्वालियर में रेबीज से युवक की मौत, रोज 100+ मामले:5 दिन पहले एक शख्स ने अस्पताल में भर्ती कराया था; नाम दिया था 'गोलू'

ग्वालियर में आवारा कुत्तों का आतंक बढ़ता जा रहा है। रोजाना 100 से अधिक लोग डॉग बाइट के शिकार हो रहे हैं। इसी बीच रविवार को 25 वर्षीय एक अज्ञात युवक की मौत हो गई, जिसका कारण रेबीज बताया गया है। जानकारी के अनुसार, 1 अप्रैल को एक अनजान व्यक्ति घायल युवक को मुरार स्थित जिला अस्पताल लेकर पहुंचा था। उसने मरीज का नाम ‘गोलू’ दर्ज कराया और बताया कि उसे कुत्ते ने काटा है। युवक गंभीर हालत में मिला था। स्थिति बिगड़ने पर उसी रात उसे जेएएच (हजार बिस्तर अस्पताल) रेफर कर दिया गया, जहां उसे रेबीज संदिग्ध मानकर उपचार शुरू किया गया। इलाज के दौरान रविवार को युवक ने दम तोड़ दिया। अस्पताल प्रबंधन की सूचना पर मुरार थाना पुलिस ने शव को निगरानी में लेकर मर्ग कायम कर लिया है। सोमवार को पोस्टमार्टम कराया जाएगा। फिलहाल मृतक की पहचान नहीं हो सकी है। उसे कुत्ते ने कब काटा, यह जानकारी पहचान के बाद ही स्पष्ट हो पाएगी। पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है। भर्ती मरीज की मौत की सूचना हजार बिस्तर के अस्पताल स्ट्रेचर बॉय अभिषेक पुत्र कमलेश पांडेय निवासी पिछोर ने मुरार थाना पुलिस को दी है। साथ ही अस्पताल की तहरीर मुरार थाना पुलिस को सौंपी है। तहरीर में मौत का कारण रेबीज संक्रमण बताया गया है। रिपोर्ट में मृत्यु का कारण रेबीज बताया गया मुरार पुलिस को जयारोग्य अस्पताल से इलाज और मौत से संबंधित रिपोर्ट प्राप्त हुई है। इसमें उल्लेख है कि मरीज की मौत रेबीज संक्रमण के कारण हुई प्रतीत होती है। रिपोर्ट मिलते ही पुलिस ने मर्ग कायम कर लिया। मृतक की पहचान के प्रयास में उसका फोटो आसपास के क्षेत्रों में दिखाया गया, लेकिन शिनाख्त नहीं हो सकी। फिलहाल शव को मर्च्यूरी में रखवाया गया है। आवारा कुत्तों पर नियंत्रण में लापरवाही शहर की कॉलोनियों और मोहल्लों में आवारा कुत्तों की संख्या लगातार बढ़ रही है, लेकिन नगर निगम का अमला सक्रिय नजर नहीं आ रहा। अधिकारियों का दावा है कि नसबंदी जैसी योजनाओं से संख्या नियंत्रित करने का प्रयास किया जा रहा है, जबकि हकीकत में कुत्तों को पकड़ने का अभियान ठप पड़ा है। जिम्मेदार अधिकारी भी मैदान में नजर नहीं आते। हर दिन 100 से 150 डॉग बाइट के मामले शहर में रोजाना 100 से 150 डॉग बाइट के मामले जेएएच, जिला अस्पताल और सिविल अस्पताल पहुंच रहे हैं। ये वे मरीज हैं जो काटने के बाद रेबीज के इंजेक्शन लगवाने आते हैं, जबकि कई मामले ऐसे भी हैं जो अस्पताल तक पहुंच ही नहीं पाते।

पहले प्रेमिका ने दी जान, फिर प्रेमी ने खाया जहर:दतिया में महिला ने लगाई फांसी, 48 घंटे बाद लड़के ने खा लिया सल्फास

पहले प्रेमिका ने दी जान, फिर प्रेमी ने खाया जहर:दतिया में महिला ने लगाई फांसी, 48 घंटे बाद लड़के ने खा लिया सल्फास

दतिया के भांडेर थाना क्षेत्र के ग्राम तिघरा खिरिया में प्रेम प्रसंग से जुड़े मामले में प्रेमिका की फांसी लगाकर मौत के दो दिन बाद उसके कथित प्रेमी ने भी सल्फास खाकर आत्महत्या की कोशिश की। फिलहाल उसकी हालत खतरे से बाहर है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। पुलिस के अनुसार, मृतका की पहचान ममता (45) पत्नी राजेंद्र दोहरे निवासी तिघरा खिरिया के रूप में हुई है। शुक्रवार रात करीब साढ़े 9 बजे ममता ने घर के अंदर साड़ी का फंदा बनाकर पंखे से लटककर आत्महत्या कर ली। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर मर्ग कायम किया। इस घटना के दो दिन बाद यानी रविवार शाम को प्रेमी ने भी सल्फास खा लिया। दोनों के बीच हुआ था विवाद परिजनों का आरोप है कि ममता का भांडेर निवासी मोनू सेंगर से लंबे समय से प्रेम प्रसंग चल रहा था। शुक्रवार रात वह घर आया था, जहां किसी बात को लेकर दोनों के बीच विवाद हो गया। परिजनों के हस्तक्षेप के बाद युवक वहां से चला गया। इसके कुछ ही देर बाद ममता ने फांसी लगा ली। दो दिन बाद प्रेमी मोनू ने खाया जहर घटना के दो दिन बाद रविवार शाम भांडेर के ठाकुरस मोहल्ला निवासी मोनू सेंगर ने भी सल्फास खाकर आत्महत्या का प्रयास किया। मोनू खेती-किसानी करता है और दो बच्चों का पिता है। बताया जा रहा है कि उसने पहूज नदी के पास जहर खाया। इसके बाद घर पहुंचकर परिजनों को इसकी जानकारी दी। परिजन उसे तुरंत भांडेर अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां से गंभीर हालत में जिला अस्पताल रेफर किया गया। डॉक्टरों के अनुसार, फिलहाल उसकी स्थिति खतरे से बाहर है। पुलिस सभी बिंदुओं पर कर रही जांच भांडेर थाना पुलिस का कहना है कि प्रथम दृष्टया मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है। हालांकि परिजनों के आरोपों को ध्यान में रखते हुए प्रेम प्रसंग, विवाद और अन्य सभी पहलुओं की गंभीरता से जांच की जा रही है। संबंधित लोगों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं।