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पाकिस्तानी टेस्ट प्लेयर्स की फीस दोगुनी होगी:ICC टूर्नामेंट जीतने पर 500% बोनस मिलेगा; महिला क्रिकेटर निदा ने वापसी का ऐलान किया

पाकिस्तानी टेस्ट प्लेयर्स की फीस दोगुनी होगी:ICC टूर्नामेंट जीतने पर 500% बोनस मिलेगा; महिला क्रिकेटर निदा ने वापसी का ऐलान किया

पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) 2026-27 सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट साइकिल में बड़ा बदलाव करने जा रहा है। नए फॉर्मेट आधारित कॉन्ट्रैक्ट सिस्टम में टेस्ट क्रिकेट खेलने वाले खिलाड़ियों की फीस दोगुनी की जाएगी। रेड-बॉल ट्रैक-A खिलाड़ियों की प्रति टेस्ट मैच फीस करीब 15 लाख पाकिस्तानी रुपए से बढ़कर करीब 40 लाख तक हो सकती है। PCB के मुताबिक अगर पाकिस्तान टीम कोई ICC टूर्नामेंट जीतती है तो खिलाड़ियों को उनकी मैच फीस का 500 प्रतिशत अतिरिक्त बोनस मिलेगा। वहीं एशिया कप जैसे एशियाई स्तर के टूर्नामेंट जीतने पर 300 प्रतिशत बोनस देने का प्रस्ताव किया गया है। इसी बीच पाकिस्तान महिला टीम की पूर्व कप्तान निदा डार ने क्रिकेट में वापसी की घोषणा की है। पहली बार फॉर्मेट आधारित कॉन्ट्रैक्ट PCB ने पहली बार फॉर्मेट आधारित सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट लागू करने का फैसला किया है। पहले खिलाड़ियों को A, B, C और D में रखा जाता था, लेकिन अब उनके खेल के आधार पर अलग-अलग ट्रैक में बांटा जाएगा। ट्रैक-A में रेड-बॉल यानी टेस्ट खिलाड़ी शामिल होंगे। ट्रैक-B में वनडे और टी-20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेलने वाले खिलाड़ी होंगे। ट्रैक-C में मुख्य रूप से टी20 और फ्रेंचाइजी क्रिकेट खेलने वाले खिलाड़ियों को रखा जाएगा। PCB अध्यक्ष मोहसिन नकवी ने कहा है कि नए कॉन्ट्रैक्ट आधुनिक क्रिकेट की जरूरतों को ध्यान में रखकर तैयार किए गए हैं। सबसे ज्यादा फायदा A और B कैटेगरी वाले खिलाड़ियों को PCB के अनुसार, जो खिलाड़ी टेस्ट और व्हाइट-बॉल दोनों फॉर्मेट खेलते हैं। वे ट्रैक-A तथा ट्रैक-B दोनों में शामिल होंगे। उन्हें सबसे ज्यादा लाभ मिलेगा। ऐसे खिलाड़ियों को मैच फीस के अलावा हर महीने लगभग 48 से 50 लाख पाकिस्तानी रुपए तक का रिटेनर मिल सकता है। सिर्फ ट्रैक-B में शामिल वनडे और टी-20 खिलाड़ियों को हर महीने 18 लाख पाकिस्तानी रुपए तक का रिटेनर मिलने की संभावना है। वहीं ट्रैक-C में शामिल टी-20 और फ्रेंचाइजी क्रिकेट खिलाड़ियों को 12 से 15 लाख पाकिस्तानी रुपए दिया जा सकता है। PCB ने अभी यह स्पष्ट नहीं किया है कि नए सिस्टम के तहत कितने खिलाड़ियों को सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट दिया जाएगा। खिलाड़ियों के नाम सार्वजनिक नहीं करने पर विचार PCB इस बार सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट पाने वाले खिलाड़ियों के नाम और उनके ग्रेड को सार्वजनिक नहीं करने पर भी विचार कर रहा है। अगर ऐसा होता है तो पाकिस्तान क्रिकेट में यह पहली बार होगा।हालांकि PCB ने इस संबंध में अभी कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की है। घरेलू क्रिकेट और डाटा आधारित सिलेक्शन पर जोर मोहसिन नकवी ने कहा है कि सभी खिलाड़ियों के लिए घरेलू क्रिकेट खेलना जरूरी होगा। अगर किसी खिलाड़ी को सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट चाहिए तो उसे सभी फॉर्मेट में घरेलू क्रिकेट में हिस्सा लेना होगा। उन्होंने यह भी कहा कि खिलाड़ियों के कॉन्ट्रैक्ट का ग्रेड स्टेज पर सिलेक्शन प्रदर्शन और फिटनेस मानकों को पूरा करने पर ही होगा। सिलेक्शन को और अच्छा बनाने के लिए अब 85 प्रतिशत महत्व डाटा विश्लेषण को और 15 प्रतिशतचयनकर्ताओं की सिफारिश को दिया जाएगा। सलाहकार पैनल में बढ़ेगी पूर्व खिलाड़ियों की भूमिका PCB अध्यक्ष ने यह भी बताया कि वह क्रिकेट मामलों में अधिक पूर्व खिलाड़ियों को जोड़ना चाहते हैं। फिलहाल उनके सलाहकार समूह में पूर्व कप्तान मिस्बाह-उल-हक और सरफराज अहमद शामिल हैं। नकवी ने कहा कि वह तीन से चार और पूर्व अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों को सलाहकार पैनल में शामिल करना चाहते हैं ताकि राष्ट्रीय टीम, घरेलू क्रिकेट और कप्तानी जैसे मामलों में अधिक क्रिकेटिंग अनुभव का फायदा मिल सके। युनिस खान और मोहम्मद हफीज के नाम भी संभावित सलाहकारों में बताए जा रहे हैं। एक साल बाद वापसी को तैयार निदा डार इसी बीच पाकिस्तान महिला टीम की पूर्व कप्तान निदा डार ने क्रिकेट में वापसी की घोषणा की है। 39 साल की निदा ने अप्रैल 2025 में मानसिक स्वास्थ्य कारणों का हवाला देते हुए क्रिकेट से अनिश्चितकालीन ब्रेक लिया था। 112 वनडे और 160 टी-20 अंतरराष्ट्रीय मैच खेल चुकीं निदा ने सोशल मीडिया पर कहा कि वह अब फिर से पाकिस्तान टीम के लिए उपलब्ध हैं और टीम को जरूरत पड़ने पर अपना बेस्ट देने के लिए तैयार हैं। निदा आखिरी बार 2024 महिला टी-20 वर्ल्ड कप में पाकिस्तान के लिए खेली थीं। बाद में उन्हें PCB की सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट लिस्ट से बाहर कर दिया गया था। 2023 टी-20 वर्ल्ड कप के बाद उन्हें टीम की कप्तानी मिली थी, लेकिन 2024 टी-20 वर्ल्ड कप से पहले उनकी जगह फातिमा सना को कप्तान बना दिया गया।

पहले टेस्ट में सीएम डीके शिवकुमार की बड़ी जीत, कांग्रेस ने कर्नाटक की 7 एमएलसी सीटों में से 5 पर जीत हासिल की | भारत समाचार

ENG vs NZ Live Score: Follow latest updates from Day 2 of the 2nd Test. (AP Photo)

आखरी अपडेट:18 जून, 2026, 20:38 IST मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने कहा कि उन्हें शुरू में उम्मीद थी कि सीटें निर्विरोध भरी जाएंगी, लेकिन भाजपा और जद (एस) ने प्रतिस्पर्धा का विकल्प चुना। कांग्रेस महासचिव रणदीप सिंह सुरजेवाला ने कहा कि नतीजे पार्टी और उसकी कल्याणकारी योजनाओं के लिए जबरदस्त समर्थन दर्शाते हैं। (फ़ाइल) कर्नाटक के मुख्यमंत्री के रूप में अपनी पहली चुनावी परीक्षा में, डीके शिवकुमार ने एक बड़ी जीत हासिल की, क्योंकि गुरुवार को हुए मतदान में कांग्रेस ने सात विधान परिषद सीटों में से पांच पर जीत हासिल की। नतीजे बीजेपी और जनता दल (सेक्युलर) विधायकों द्वारा स्पष्ट रूप से क्रॉस-वोटिंग के रूप में चिह्नित किए गए। जहां 224 सदस्यीय विधानसभा में कांग्रेस और तीन निर्दलियों को मिलाकर 138 वोट मिले, वहीं पार्टी के उम्मीदवारों को सामूहिक रूप से 151 वोट मिले, जो उसके खेमे के बाहर के विधायकों के समर्थन का संकेत है। भाजपा के नेतृत्व वाला राजग, जिसने सभी सात सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारे थे, दो सीटें जीतने में सफल रहा, जबकि जद (एस) के एकमात्र उम्मीदवार गोविंदराजू को हार का सामना करना पड़ा। क्रॉस वोटिंग से कांग्रेस को मदद मिलती है कांग्रेस महासचिव रणदीप सिंह सुरजेवाला ने कहा कि नतीजे पार्टी और उसकी कल्याणकारी योजनाओं के लिए जबरदस्त समर्थन दर्शाते हैं। सुरजेवाला ने कहा, “विधान परिषद चुनाव के पहले दौर में कांग्रेस के सभी पांच उम्मीदवारों ने भारी जीत हासिल की। ​​कांग्रेस के पास 135 वोट थे, लेकिन उसे 151 वोट मिले। बीजेपी सात वोटों से पिछड़ गई, जबकि जनता दल ने 18 के बजाय 14 वोट हासिल किए।” उन्होंने दावा किया कि नतीजों से पता चलता है कि पार्टी लाइन से हटकर विधायकों ने कांग्रेस सरकार की पांच गारंटी योजनाओं का समर्थन किया है, जिसके तहत लाभार्थियों को सालाना लगभग 56,000 करोड़ रुपये हस्तांतरित किए जाते हैं। उन्होंने कहा, ”भाजपा और जद(एस) इन गारंटी को खत्म करना चाहते थे, लेकिन उनके अपने विधायकों ने कांग्रेस सरकार की नीतियों पर भरोसा जताया है।” ‘विधायकों ने पार्टी लाइन से हटकर हमारे लिए वोट किया’: शिवकुमार मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने कहा कि उन्हें शुरू में उम्मीद थी कि सीटें निर्विरोध भरी जाएंगी, लेकिन भाजपा और जद (एस) ने प्रतिस्पर्धा का विकल्प चुना। शिवकुमार ने कहा, “मल्लिकार्जुन खड़गे और राहुल गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस नेतृत्व ने देश भर में पार्टी के लिए काम करने वाले उम्मीदवारों को अंतिम रूप दिया है। विधायकों ने बहुत बड़ा जनादेश दिया है। कई विधायकों ने पार्टी लाइन से ऊपर उठकर सरकार और उसकी नीतियों के पक्ष में मतदान किया है।” उन्होंने कहा, “मैं उन सभी विधायकों को धन्यवाद देता हूं जिन्होंने हमारा समर्थन किया। हम एकजुट होकर खड़े रहे और ये नतीजे कांग्रेस पार्टी की एकता का प्रतिबिंब हैं।” इस नतीजे से पार्टी के भीतर शिवकुमार की स्थिति मजबूत हुई है, खासकर सिद्धारमैया के इस्तीफे के बाद इस महीने मुख्यमंत्री बनने के बाद। चुनी हुई कहानियाँ, आपके इनबॉक्स में हमारी सर्वोत्तम पत्रकारिता वाला एक न्यूज़लेटर जमा करना लेखक के बारे में -सौरभ वर्मावरिष्ठ उपसंपादक सौरभ वर्मा मुख्य उप-संपादक के रूप में News18.com के लिए सामान्य, राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय दैनिक समाचारों को कवर करते हैं। वह राजनीति पर गहरी नजर रखते हैं। आप उन्हें ट्विटर –twitter.com/saurbhkverma19 पर फ़ॉलो कर सकते हैं न्यूज़ इंडिया पहले टेस्ट में सीएम डीके शिवकुमार की बड़ी जीत, कांग्रेस ने कर्नाटक की 7 एमएलसी सीटों में से 5 पर जीत हासिल की अस्वीकरण: टिप्पणियाँ उपयोगकर्ताओं के विचार दर्शाती हैं, News18 के नहीं। कृपया चर्चाएँ सम्मानजनक और रचनात्मक रखें। अपमानजनक, मानहानिकारक, या अवैध टिप्पणियाँ हटा दी जाएंगी। News18 अपने विवेक से किसी भी टिप्पणी को अक्षम कर सकता है. पोस्ट करके, आप हमारी उपयोग की शर्तों और गोपनीयता नीति से सहमत होते हैं। और पढ़ें (टैग्सटूट्रांसलेट)कर्नाटक विधान परिषद चुनाव(टी)डीके शिवकुमार की जीत(टी)कर्नाटक में कांग्रेस की जीत(टी)कर्नाटक में क्रॉस वोटिंग(टी)बीजेपी जेडीएस विधायक(टी)पांच गारंटी योजनाएं(टी)कर्नाटक राजनीतिक समाचार(टी)मल्लिकार्जुन खड़गे राहुल गांधी

कथित तौर पर प्रमुख सांसदों के एनडीए की ओर बढ़ने से यूबीटी सेना को बड़े विभाजन का सामना करना पड़ रहा है | उद्धव ठाकरे | सादा बोलो

कथित तौर पर प्रमुख सांसदों के एनडीए की ओर बढ़ने से यूबीटी सेना को बड़े विभाजन का सामना करना पड़ रहा है | उद्धव ठाकरे | सादा बोलो

एक बड़ा राजनीतिक झटका सामने आ रहा है क्योंकि यूबीटी सेना कथित तौर पर आंतरिक विभाजन का सामना कर रही है, जिसमें प्रमुख सांसद कथित तौर पर एनडीए खेमे के करीब जा रहे हैं। इस घटनाक्रम ने महत्वपूर्ण राजनीतिक क्षण में उद्धव ठाकरे के गुट की भविष्य की ताकत और एकता पर तीव्र अटकलें शुरू कर दी हैं। इस स्थिति ने विपक्ष की चिंताओं को भी बढ़ा दिया है, नेतृत्व स्थिरता और पार्टी एकजुटता पर सवाल उठाए जा रहे हैं। जैसे-जैसे राजनीतिक समीकरण तेजी से बदल रहे हैं, सभी की निगाहें अब इस पर टिकी हैं कि क्या और अधिक दलबदल हो सकते हैं और यह आगामी चुनावों से पहले व्यापक विपक्षी रणनीति को कैसे प्रभावित करेगा। इस बीच, एनडीए बदलते राजनीतिक पुनर्गठन के बीच अपनी स्थिति मजबूत करता दिख रहा है। n18oc_breaking-newsn18oc_politicsn18oc_plain_speakNews18 मोबाइल ऐप – https://onelink.to/desc-youtube आखरी अपडेट: 18 जून, 2026, 18:56 IST (टैग्सटूट्रांसलेट)बीजेपी राजनीतिक लाभ(टी)ब्रेकिंग राजनीतिक समाचार भारत(टी)भारत चुनाव अपडेट 2026(टी)भारतीय राजनीतिक समाचार आज(टी)महाराष्ट्र चुनाव समाचार(टी)एमपी दलबदल भारत(टी)एनडीए विस्तार(टी)एनडीए बहुमत योजना(टी)न्यूज टुडे इंडिया पॉलिटिक्स(टी)विपक्ष झटका भारत(टी)संसद एमपी शिफ्ट(टी)प्लेनस्पीक समाचार अपडेट(टी)राजनीतिक विकास भारत(टी)राजनीतिक अस्थिरता भारत(टी)राजनीतिक उथल-पुथल महाराष्ट्र(टी)शिवसेना यूबीटी संकट(टी)यूबीटी सेना विभाजन(टी)उद्धव ठाकरे गुट समाचार(टी)उद्धव ठाकरे समाचार

'मैं वापस आऊंगा' को एंटी-नेशनल बताने पर हंसे एआर रहमान:इंस्टाग्राम स्टोरी पर शेयर किया पोस्ट; फिल्म को पाकिस्तान से मिल चुकी तारीफ

'मैं वापस आऊंगा' को एंटी-नेशनल बताने पर हंसे एआर रहमान:इंस्टाग्राम स्टोरी पर शेयर किया पोस्ट; फिल्म को पाकिस्तान से मिल चुकी तारीफ

इम्तियाज अली के निर्देशन में बनी फिल्म ‘मैं वापस आऊंगा’ को एंटी-नेशनल बताए जाने पर संगीतकार एआर रहमान ने रिएक्शन दिया है। दरअसल सोशल मीडिया पर फिल्म को एक वर्ग एंटी-नेशनल बता रहा है, क्योंकि इसमें पाकिस्तान को जासूसों और आतंकवादियों के बिना दिखाया गया है। रहमान ने एक ऐसे पोस्ट को अपनि इंस्टाग्राम स्टोरी पर शेयर किया, और इस पर हंसने वाले इमोजी (LOL) का इस्तेमाल किया। जासूसों और आतंकवादियों के बिना बताया पाकिस्तान दरसल रहमान ने एक इंस्टाग्राम पोस्ट को शेयर किया, जिसमें लिखा था कि पाकिस्तानमें कोई जासूस या आतंकवादी नहीं है। दर्शक को इस बात से उलझन थी कि आखिर बिना इनके पाकिस्तान कैसे दिखाया जा सकता है, जबकि बाकी फिल्मों में यही सब होता है। इस पोस्ट को अपनी इंस्टा स्टोरी पर साझा करते हुए एआर रहमान ने लाफ आउट लाउड इमोजी का इस्तेमाल किया। फिल्म को पाकिस्तान से मिल चुकी तारीफ इससे पहले ‘मैं वापस आऊंगा’ को पाकिस्तान से भी तारीफ मिल चुकी है। पाकिस्तानी फिल्ममेकर उमर नासिर अली ने इस फिल्म की जमकर तारीफ करते हुए इसे एक बेहद खूबसूरत और गहरी भावनात्मक फिल्म बताया है। उमर नासिर के मुताबिक, यह फिल्म उनके दिल के बेहद करीब है क्योंकि वे खुद भी इसी विषय के आसपास एक फिल्म बना रहे हैं। इस बीच फिल्म को मिल रहे अच्छे रिस्पॉन्स का असर इसके बॉक्स ऑफिस कलेक्शन पर भी दिख रहा है और फिल्म की कमाई सोमवार को कामकाजी दिन होने के बावजूद बढ़ गई है। इम्तियाज से जैसी उम्मीद थी, वैसा ही पर्दे पर उतरा फीचर फिल्मों और विज्ञापनों के मशहूर पाकिस्तानी डायरेक्टर उमर नासिर अली ने इंस्टाग्राम पर फिल्म को लेकर एक नोट शेयर किया है। उमर नासिर ने बताया कि ‘मैं वापस आऊंगा’ में जिन भावनाओं को दिखाया गया है, वे उनके दिल के काफी करीब हैं। दरअसल, वे खुद भी बंटवारे के बैकग्राउंड पर ‘चोर आए हम’ नाम से एक फिल्म बना रहे हैं। उनकी आगामी फिल्म भी यादों, अपनेपन और वतन वापसी की इसी भावना को दिखाती है। उमर ने कहा कि उन्हें इम्तियाज अली से जैसी उम्मीद थी, उन्होंने बिल्कुल वैसा ही शानदार सिनेमा पर्दे पर उतारा है। इम्तियाज-रहमान की सफल जोड़ी ‘मैं वापस आऊंगा’ फिल्म के जरिए निर्देशक इम्तियाज अली और संगीतकार एआर रहमान की जोड़ी एक बार फिर साथ आई है। यह दोनों का पांचवां कोलैबोरेशन है। इससे पहले वे ‘रॉकस्टार’, ‘हाईवे’, ‘तमाशा’ और ‘अमर सिंह चमकीला’ जैसी फिल्मों में साथ काम कर चुके हैं। फिल्म में गीतकार इर्शाद कामिल के साथ मिलकर रहमान ने संगीत तैयार किया है। फिल्म के साउंडट्रैक में ‘क्या कमाल है’, ‘मस्कारा’ और ‘इश्क मस्ताना’ जैसे गाने शामिल हैं, जिन्हें काफी पसंद किया जा रहा है। फिल्म का बॉक्स ऑफिस कलेक्शन फिल्म की शुरुआत बॉक्स ऑफिस पर धीमी रही थी। पहले दिन फिल्म ने 1.15 करोड़ रुपए का कलेक्शन किया था। हालांकि, दर्शकों की सकारात्मक प्रतिक्रिया और माउथ पब्लिसिटी के कारण फिल्म की कमाई में बढ़त देखी गई। सोमवार को फिल्म ने 1.25 करोड़ रुपए का कारोबार किया, जो पहले दिन से ज्यादा है। फिल्म अब धीरे-धीरे 10 करोड़ रुपए के आंकड़े की ओर बढ़ रही है। इंडस्ट्री के जानकारों का मानना है कि फिल्म के भावुक पहलुओं की वजह से लोग इसे पसंद कर रहे हैं। तीन पीढ़ियों के अधूरे सफर की कहानी फिल्म की कहानी तीन पीढ़ियों के भावनात्मक सफर को दिखाती है, जिसमें बंटवारे के जख्मों को एक प्रेम कहानी के साथ पेश किया गया है। कहानी पाकिस्तान के सरगोधा से भारत आए एक सिख परिवार के इर्द-गिर्द घूमती है। बंटवारे के समय युवा कीनू (वेदांग रैना) अपनी प्रेमिका अफसाना (शर्वरी) से अलग हो जाता है। करीब 70 साल बाद, 95 साल के हो चुके कीनू (नसीरुद्दीन शाह)अपने जीवन के आखिरी पड़ाव पर एक आखिरी बार सरगोधा वापस जाना चाहते हैं। इस यात्रा में उनका पोता निरवैर (दिलजीत दोसांझ) उनकी मदद करता है।

यूक्रेन ने रूस पर सबसे बड़ा ड्रोन अटैक किया:1000 से ज्यादा ड्रोन दागे, ऑयल डिपो में धमाका, एक की मौत

यूक्रेन ने रूस पर सबसे बड़ा ड्रोन अटैक किया:1000 से ज्यादा ड्रोन दागे, ऑयल डिपो में धमाका, एक की मौत

यूक्रेन ने गुरुवार को रूस पर युद्ध शुरू होने के बाद का सबसे बड़ा ड्रोन हमला किया। रूस के रक्षा मंत्रालय के मुताबिक, रातभर में करीब 1000 ड्रोन और चार क्रूज मिसाइलों को मार गिराया गया। इनमें करीब 200 ड्रोन राजधानी मॉस्को की तरफ बढ़ रहे थे। हमले में दक्षिणी रोस्तोव क्षेत्र के एक तेल डिपो में आग लग गई, जिसमें एक व्यक्ति की मौत हो गई। वहीं मॉस्को की कपोतन्या ऑयल रिफाइनरी पर भी हमला हुआ। विस्फोट के बाद ऑयल डिपो टैंक का ढक्कन कई मीटर ऊपर उछल गया और आसमान में काले धुएं के गुबार छा गए। रिपोर्ट्स के मुताबिक, पास के एक शॉपिंग सेंटर में भी आग लग गई। ड्रोन का मलबा गिरने से कुछ रिहायशी और व्यावसायिक इमारतों को नुकसान पहुंचा। कई ऊंची इमारतों को खाली कराया गया। हमले के बाद मॉस्को के हवाई अड्डों पर कुछ समय के लिए उड़ानों पर रोक लगाई गई। जेलेंस्की बोले- यूक्रेन जलेगा तो मॉस्को भी जलेगा यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने मॉस्को पर हुए हमले को पिछले हफ्ते कीव पर रूस की कार्रवाई का जवाब बताया। उन्होंने कहा कि यूक्रेनी सेना ने उन ठिकानों को निशाना बनाया, जो रूस के युद्ध अभियान को सहारा दे रहे हैं। जेलेंस्की ने कहा कि अब समय आ गया है कि रूस युद्ध खत्म करने के लिए कूटनीतिक रास्ता अपनाए। उन्होंने यूक्रेन की विभिन्न सैन्य और खुफिया एजेंसियों की कार्रवाई की तारीफ भी की। जेलेंस्की ने कहा, “हम यह युद्ध नहीं चाहते थे, लेकिन अगर यूक्रेन जलेगा तो मॉस्को भी जलेगा।” हमले के समय रूसी राष्ट्रपति व्लादिमिर पुतिन कजान में दक्षिण-पूर्व एशियाई देशों के नेताओं के साथ शिखर बैठक में मौजूद थे। उन्होंने मॉस्को पर हुए इस बड़े हमले को लेकर अभी तक कोई सार्वजनिक प्रतिक्रिया नहीं दी है। 2023 से रूसी राजधानी पर ड्रोन हमले बढ़े 2022 में युद्ध शुरू होने के बाद यूक्रेन के ड्रोन हमले सीमित थे। 2023 में पहली बार उसके ड्रोन मॉस्को तक पहुंचे, लेकिन तब हमलों में कुछ ही ड्रोन इस्तेमाल किए जाते थे। अब यूक्रेन लंबी दूरी तक हमला करने में सक्षम हो गया है, जबकि रूस ने भी राजधानी के चारों ओर मजबूत एयर डिफेंस तैनात कर रखा है। इस वजह से युद्ध अब सिर्फ फ्रंटलाइन तक सीमित नहीं रहा। दोनों देश तेल डिपो, रिफाइनरी और दूसरे रणनीतिक ठिकानों को निशाना बना रहे हैं। G7 देशों ने यूक्रेन को मदद देने का ऐलान किया मॉस्को पर बड़े हमले के बीच G7 देशों ने यूक्रेन के लिए सैन्य मदद बढ़ाने का ऐलान किया है। संगठन ने कहा कि यूक्रेन को ज्यादा एयर डिफेंस सिस्टम, इंटरसेप्टर और लंबी दूरी के हथियार दिए जाएंगे। इसके अलावा रूस के तेल और गैस कारोबार पर प्रतिबंध और सख्त किए जाएंगे। G7 देशों ने सर्दियों से पहले यूक्रेन की बिजली और ऊर्जा जरूरतों के लिए भी अतिरिक्त मदद देने का भरोसा दिया है। वहीं अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा कि उन्हें लगा था कि रूस-यूक्रेन युद्ध को खत्म कराना आसान होगा, लेकिन दोनों देशों के बीच गहरी दुश्मनी ने बातचीत को मुश्किल बना दिया है। उन्होंने कहा कि उनकी वोलोदिमिर जेलेंस्की और व्लादिमिर पुतिन दोनों से अच्छी बातचीत हुई है और वह इस युद्ध का अंत देखना चाहते हैं।

यूक्रेन ने रूस पर सबसे बड़ा ड्रोन अटैक किया:1000 से ज्यादा ड्रोन, क्रूज मिसाइलें भी दागीं; ऑयल डिपो धमाके से तबाह, एक की मौत

यूक्रेन ने रूस पर सबसे बड़ा ड्रोन अटैक किया:1000 से ज्यादा ड्रोन दागे, ऑयल डिपो में धमाका, एक की मौत

यूक्रेन ने गुरुवार को रूस पर अब तक का सबसे बड़ा ड्रोन हमला किया। रूस के रक्षा मंत्रालय के मुताबिक, रातभर में करीब 1,000 ड्रोन और चार क्रूज मिसाइलों को मार गिराया गया। इनमें करीब 200 ड्रोन राजधानी मॉस्को की तरफ बढ़ रहे थे। बीबीसी की रिपोर्ट के मुताबिक हमले में दक्षिणी रोस्तोव क्षेत्र के एक ऑयल डिपो धमाके से तबाह हो गया, यहां मौजूद एक व्यक्ति की मौत हो गई। वहीं मॉस्को की कपोतन्या ऑयल रिफाइनरी पर भी हमला हुआ। विस्फोट के बाद ऑयल डिपो टैंक का ढक्कन कई मीटर ऊपर उछल गया और आसमान में काले धुएं के गुबार छा गए। रिपोर्ट्स के मुताबिक, पास के एक शॉपिंग सेंटर में भी आग लग गई। ड्रोन का मलबा गिरने से कुछ रिहायशी और व्यावसायिक इमारतों को नुकसान पहुंचा। कई ऊंची इमारतों को खाली कराया गया। हमले के बाद मॉस्को के हवाई अड्डों पर कुछ समय के लिए उड़ानों पर रोक लगाई गई। जेलेंस्की बोले- यूक्रेन जलेगा तो मॉस्को भी जलेगा यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने मॉस्को पर हुए हमले को पिछले हफ्ते कीव पर रूस की कार्रवाई का जवाब बताया। उन्होंने कहा कि यूक्रेनी सेना ने उन ठिकानों को निशाना बनाया, जो रूस के युद्ध अभियान को सहारा दे रहे हैं। जेलेंस्की ने कहा कि अब समय आ गया है कि रूस युद्ध खत्म करने के लिए कूटनीतिक रास्ता अपनाए। उन्होंने यूक्रेन की विभिन्न सैन्य और खुफिया एजेंसियों की कार्रवाई की तारीफ भी की। जेलेंस्की ने कहा, “हम यह युद्ध नहीं चाहते थे, लेकिन अगर यूक्रेन जलेगा तो मॉस्को भी जलेगा।” हमले के समय रूसी राष्ट्रपति व्लादिमिर पुतिन कजान में दक्षिण-पूर्व एशियाई देशों के नेताओं के साथ शिखर बैठक में मौजूद थे। उन्होंने मॉस्को पर हुए इस बड़े हमले को लेकर अभी तक कोई सार्वजनिक प्रतिक्रिया नहीं दी है। 2023 से रूसी राजधानी पर ड्रोन हमले बढ़े 2022 में युद्ध शुरू होने के बाद यूक्रेन के ड्रोन हमले सीमित थे। 2023 में पहली बार उसके ड्रोन मॉस्को तक पहुंचे, लेकिन तब हमलों में कुछ ही ड्रोन इस्तेमाल किए जाते थे। अब यूक्रेन लंबी दूरी तक हमला करने में सक्षम हो गया है, जबकि रूस ने भी राजधानी के चारों ओर मजबूत एयर डिफेंस तैनात कर रखा है। इस वजह से युद्ध अब सिर्फ फ्रंटलाइन तक सीमित नहीं रहा। दोनों देश तेल डिपो, रिफाइनरी और दूसरे रणनीतिक ठिकानों को निशाना बना रहे हैं। G7 देशों ने यूक्रेन को मदद देने का ऐलान किया मॉस्को पर बड़े हमले के बीच G7 देशों ने यूक्रेन के लिए सैन्य मदद बढ़ाने का ऐलान किया है। संगठन ने कहा कि यूक्रेन को ज्यादा एयर डिफेंस सिस्टम, इंटरसेप्टर और लंबी दूरी के हथियार दिए जाएंगे। इसके अलावा रूस के तेल और गैस कारोबार पर प्रतिबंध और सख्त किए जाएंगे। G7 देशों ने सर्दियों से पहले यूक्रेन की बिजली और ऊर्जा जरूरतों के लिए भी अतिरिक्त मदद देने का भरोसा दिया है। वहीं अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा कि उन्हें लगा था कि रूस-यूक्रेन युद्ध को खत्म कराना आसान होगा, लेकिन दोनों देशों के बीच गहरी दुश्मनी ने बातचीत को मुश्किल बना दिया है। उन्होंने कहा कि उनकी वोलोदिमिर जेलेंस्की और व्लादिमिर पुतिन दोनों से अच्छी बातचीत हुई है और वह इस युद्ध का अंत देखना चाहते हैं। ———————— रूस-यूक्रेन जंग से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… रूस ने यूक्रेन पर ओरेश्निक मिसाइल से हमला किया:यह परमाणु हथियार ले जाने में सक्षम; जेलेंस्की बोले- रूसी पागल हो चुके हैं रूस ने पिछले महीने यूक्रेन पर कई मिसाइलों और ड्रोनों से हमला किया। इस हमले में कम से कम 4 लोग मारे गए और दर्जनों घायल हुए। हमलों का निशाना यूक्रेन की राजधानी कीव के आसपास के इलाके थे। रूस ने कहा कि यह हमला यूक्रेनी हमलों के जवाब में किया गया। पूरी खबर यहां पढ़ें…

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18 जून 2026 को 15:07 IST पर अद्यतन किया गया खरबूजे के बीज की जगह इस घर पर ही शरबत बनाएं, इसे बनाना काफी आसान है। ये शरीर को गर्मी, ठंडक, हाइड्रेशन और बेहतर डॉक्स देता है। शराब के फायदे जानकर हैरान रह जायेंगे, पूरी रेसिपी पढ़ें (टैग्सटूट्रांसलेट) खरबूजे के बीज का पेय (टी) खरबूजा के बीज के फायदे (टी) गर्मियों में ठंडा करने वाला पेय (टी) प्राकृतिक ऊर्जा पेय भारत (टी) खरबूजा के बीज की रेसिपी

चांदी ₹3,988 गिरकर ₹2.44 लाख पर आई:ऑलटाइम हाई से ₹1.42 लाख नीचे आ चुकी, सोने की कीमत आज ₹816 कम हुई

चांदी ₹3,988 गिरकर ₹2.44 लाख पर आई:ऑलटाइम हाई से ₹1.42 लाख नीचे आ चुकी, सोने की कीमत आज ₹816 कम हुई

सोने-चांदी के दाम में आज यानी 18 जून को गिरावट है। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के अनुसार, एक किलो चांदी 3,988 रुपए गिरकर 2.44 लाख रुपए पर आ गई। इससे पहले इसकी कीमत 2.48 रुपए प्रति किलो थी। वहीं, 10 ग्राम 24 कैरेट सोना 816 रुपए गिरकर 1.49 लाख रुपए पर आ गया है। कैरेट के हिसाब से सोने की कीमत देश के बड़े शहरों में सोने की कीमत सोर्स: goodreturns 18 जून 2026 ऑल टाइम हाई से ₹28 हजार गिरा सोना इस साल सोने-चांदी की कीमत में लगातार उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। 31 दिसंबर 2025 को सोने के दाम 1.33 लाख रुपए थे, जो 29 जनवरी को बढ़कर 1.76 लाख रुपए के सबसे ऊपरी स्तर पर पहुंच गए थे। तब से अब तक सोना 27 हजार रुपए सस्ता हो चुका है। वहीं, चांदी की कीमत 31 दिसंबर 2025 को 2.30 लाख रुपए थी, जो 29 जनवरी को 3.86 लाख रुपए के ऑलटाइम हाई पर पहुंच गई थी। तब से अब तक 140 दिन में चांदी 1.42 लाख रुपए सस्ती हो गई है। सोना 140 दिन में ₹27 हजार और चांदी ₹1.42 लाख सस्ती सोर्स: IBJA ज्वेलर्स से सोना खरीदते समय इन 2 बातों का रखें ध्यान असली चांदी की पहचान करने के 4 तरीके

भर्ती एग्जाम में माइनस मार्क्स के बावजूद बनेंगे वेटेनरी ऑफिसर:1100 पदों पर वैकेंसी; RPSC पशुपालन विभाग व कार्मिक विभाग को लिखे पत्र

भर्ती एग्जाम में माइनस मार्क्स के बावजूद बनेंगे वेटेनरी ऑफिसर:1100 पदों पर वैकेंसी; RPSC पशुपालन विभाग व कार्मिक विभाग को लिखे पत्र

राजस्थान लोक सेवा आयोग की ओर से जारी किए गए वेटेनरी ऑफिसर भर्ती के अस्थाई परीक्षा परिणाम में ऐसे कैंडिडेट्स भी सिलेक्ट हुए है, जिनके माइनस में मार्क्स है। ये भर्ती 1100 पदों के लिए थी और आयोग ने 16 जून को रिजल्ट जारी किया। इसकी कट ऑफ मार्क्स का अवलोकन करने पर पता चला कि माइनस 11.74 मार्क्स के बावजूद कैंडिडेट्स का सिलेक्शन हो गया। इस सम्बन्ध में बात करने पर आयोग के मुख्य परीक्षा नियंत्रक आशुतोष गुप्ता ने बताया-इस परीक्षा में न्यूनतम मार्क्स का कोई नियम नहीं है। इसलिए माइनिंग मार्किंग वाले भी सिलेक्ट हुए। यह अत्यंत महत्वपूर्ण पद है और इस स्कीम को परिवर्तित करने के लिए पशुपालन विभाग व कार्मिक विभाग को अवगत कराया जाएगा। 2165 अभ्यर्थियों की सूचि जारी, 22 अयोग्य घोषित पशु चिकित्सा अधिकारी (पशुपालन विभाग) प्रतियोगी परीक्षा-2025 के लिए विचारित सूची जारी की गई है। इस संबंध में विस्तृत सूचना आयोग की वेबसाइट पर उपलब्ध है। सूची में 2165 अभ्यर्थियों को पात्रता जांच के लिए अस्थाई रूप से विचारित सूची में सम्मिलित किया गया है। इसके साथ ही ओएमआर उत्तर पत्रक में 10 प्रतिशत से अधिक प्रश्नों में 5 विकल्पों में से कोई भी विकल्प नहीं भरने के कारण 22 अभ्यर्थियों को उक्त परीक्षा के लिए अयोग्य घोषित किया गया है। इन अभ्यर्थियों के रोल नम्बर पृथक से आयोग की वेबसाईट पर जारी कर दिए गए हैं। दस्तावेज सत्यापन के बाद जारी होगी सूचि आयोग सचिव रामनिवास मेहता ने बताया-विचारित सूचीकेवल दस्तावेज सत्यापन के उद्देश्य से है। यह चयन सूची अथवा वरीयता सूची नहीं है। अंतिम रूप से सफल अभ्यर्थियों की सूची संबंधित विभाग (पशुपालन विभाग) द्वारा दस्तावेज सत्यापन कराए जाने के पश्चात आयोग की ओर से जारी की जाएगी। भरना होगा डिटेल फार्म विचारित सूची में सम्मिलित अभ्यर्थी को विस्तृत आवेदन-पत्र ऑनलाइन भरने होंगे। विस्तृत आवेदन पत्र ऑनलाइन भरने का लिंक 23 से 29 जून 2026 (रात्रि 11.59) तक खोला जाएगा। अभ्यर्थी को ऑनलाइन आवेदन तथा दस्तावेज सत्यापन के संबंध में आयोग द्वारा जारी दिशा-निर्देशों की पालना भी आवश्यक रूप से सुनिश्चित करनी होगी। विचारित सूची में अस्थाई रूप से सम्मिलित किए गए अभ्यर्थी को अपने एसएसओ आईडी के माध्यम से रिक्रूटमेंट पोर्टल पर माय रिक्रूटमेंट-डीटेल्ड फॉर्म कम स्क्रूटनी- अप्लाई नाउ का चयन कर अपना विस्तृत आवेदन पत्र ऑनलाइन भरना होगा। विस्तृत आवेदन-पत्र व दस्तावेजों की जांच संबंधित विभाग की ओर से ही की जायेगी। ऑनलाइन आवेदन पत्र भरने व सबमिट करने के उपरांत प्रिंट ऑप्शन पर जाकर सम्पूर्ण विस्तृत आवेदन पत्र को 2 प्रतियों में प्रिंट कर अपने पास संभाल कर रखें तथा संबंधित विभाग की सूचना के अनुसार निर्धारित दिनांक, समय व स्थान पर विस्तृत आवेदन-पत्र (दो प्रतियों में) मय समस्त मूल दस्तावेजों व स्वयं सत्यापित प्रतियों सहित उपस्थित होना होगा। विभाग द्वारा दस्तावेज सत्यापन के लिए निर्धारित तिथि को उपस्थित नहीं होने पर अभ्यर्थी को अपात्र मानते हुए परिणाम में विचारित नहीं किया जायेगा।

न्यू जीलैंड का पहली पारी में स्कोर 263/7:डेब्यू मैच में डॉनी बेकर ने 2 विकेट लिए , जोफ्रा आर्चर की टीम में वापसी

न्यू जीलैंड का पहली पारी में स्कोर 263/7:डेब्यू मैच में डॉनी बेकर ने 2 विकेट लिए , जोफ्रा आर्चर की टीम में वापसी

द ओवल में खेले जा रहे दूसरे टेस्ट के पहले दिन गेंदबाजों का दबदबा रहा। टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी न्यूजीलैंड की टीम दिन का खेल खत्म होने तक 7 विकेट पर 263 रन बना सकी। ग्लेन फिलिप्स ने पारी को संभाला और आखिरी एक घंटे में इंग्लैंड के गेंदबाजों का डटकर सामना किया। वह 74 गेंदों पर नौ चौकों की मदद से 49 रन बनाकर नाबाद लौटे। बारिश के कारण मैच की शुरुआत करीब आधे घंटे देरी से हुई। इंग्लैंड के लिए डेब्यू कर रहे तेज गेंदबाज डॉनी बेकर ने 2 विकेट लिए, जबकि लंबे समय बाद टेस्ट टीम में लौटे जोफ्रा आर्चर ने भी अपनी तेज रफ्तार से बल्लेबाजों को परेशान किया। 107 रन पर 4 विकेट, फिर ब्लंडेल-मिचेल ने संभाली पारी इंग्लैंड के तेज गेंदबाजों ने शुरुआत से ही दबाव बनाया। लंच के बाद न्यूजीलैंड का स्कोर 4 विकेट पर 107 रन हो गया था। इसके बाद टॉम ब्लंडेल और डेरिल मिचेल ने पांचवें विकेट के लिए 81 रन जोड़कर पारी को संभाला। यह साझेदारी डॉनी बेकर ने मिचेल को आउट कर तोड़ी। चाय तक मिचेल 33 रन बनाकर नाबाद थे, जिसमें चार चौके शामिल थे, जबकि ब्लंडेल 32 गेंदों में 23 रन बनाकर खेल रहे थे। मिचेल 74 गेंदों पर 44 की पारी खेल कर आउट हो गए। ब्लंडेल ने खेली सबसे बड़ी पारी न्यूजीलैंड के शीर्ष सात बल्लेबाजों में छह ने दोहरे अंक का स्कोर बनाया, लेकिन केवल टॉम ब्लंडेल ही अर्धशतक तक पहुंच सके। उन्होंने 50 रन की अहम पारी खेली। ब्लंडेल को 34 रन के स्कोर पर जीवनदान भी मिला, जिसका उन्होंने पूरा फायदा उठाया और टीम के लिए सबसे ज्यादा रन बनाए। बाद में उन्हें जैकब बेथेल ने आउट किया। ब्लंडल ने मिचेल के आउट होने के बाद फिलिप्स के साथ मिलकर 75 रन जोड़े। उनके आउट होने के बाद ग्लेन फिलिप्स ने पारी को संभाला और आखिरी एक घंटे में इंग्लैंड के गेंदबाजों का डटकर सामना किया। वह 74 गेंदों पर नौ चौकों की मदद से 49 रन बनाकर नाबाद लौटे। फिलिप्स ने इस दौरान कई गेंदों अपने शरीर पर खाईं। जो रूट ने संभाली कप्तानी, तीन खिलाड़ियों का डेब्यू नियमित कप्तान बेन स्टोक्स की गैरमौजूदगी में जो रूट ने टीम की कमान संभाली। इंग्लैंड ने इस मुकाबले में जेम्स रीव, डॉनी बेकर और जॉर्डन कॉक्स को टेस्ट डेब्यू का मौका दिया। हालांकि, पहले दिन टीम की धीमी ओवर गति चिंता का विषय रही और इंग्लैंड निर्धारित 90 ओवरों से पीछे रह गया। फिशर और आर्चर ने दिलाई शानदार शुरुआत न्यूजीलैंड को पहला झटका मैथ्यू फिशर ने दिया, जिन्होंने डेवोन कॉनवे को विकेटकीपर जेम्स रीव के हाथों कैच कराया। इसके बाद लंच से ठीक पहले जोफ्रा आर्चर ने टॉम लाथम को आउट कर इंग्लैंड को दूसरी सफलता दिलाई। लंच के बाद जोश टंग ने हेनरी निकोल्स को बोल्ड किया, जबकि अच्छी लय में दिख रहे रचिन रवींद्र को डॉनी बेकर ने आउट कर अपने टेस्ट करियर का पहला विकेट हासिल किया। दिन के अंत तक इंग्लैंड ने न्यूजीलैंड के सात विकेट झटककर मुकाबले में अपनी पकड़ मजबूत कर ली।