एक केंद्रीय मंत्री, दो पूर्व प्रदेश अध्यक्ष और चार ईसाई…केरल में बीजेपी ने पहली सूची जारी की, कैसे मिला गुणांक?

केरल विधानसभा चुनाव को लेकर भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने सोमवार (16 मार्च) को 47 जनवरी को अपनी पहली सूची जारी कर दी। बीजेपी ने पूर्व केंद्रीय मंत्री राजीव चन्द्रशेखर को नेमम विधानसभा सीट और वी मुरलीधरन को कजाकुट्टम विधानसभा सीट से उम्मीदवार बनाया है। इन दो बड़े नेताओं के साथ पार्टी ने पहली लिस्ट में इंटरमीडिएट और जातीय समीकरण साधने की कोशिश की है। बीजेपी ने किसने दिये टिकट? केरल में बीजेपी की संयुक्त राज्य अमेरिका की सूची में एक प्रांतीय केंद्रीय मंत्री, दो पूर्व मंत्री, पार्टी के दो पूर्व राष्ट्रपति, केरल जाति समुदाय के सात सदस्य और ईसाई समुदाय के चार दावेदार शामिल हैं। पार्टी ने पूर्व केंद्रीय मंत्री कूरियन को कांजीरापल्ली जॉर्ज से मैदान में उतारा है, जबकि पी सी जॉर्ज पूनजर विधानसभा सीट से आराम से बैठेंगे। आर श्रीलेखा वट्टियोरकावु और पद्मजा वेणुगोपाल त्रिशुर सीट से संबंधित। आर रशीम कोट्टारक्करा से लड़ेंगे चुनाव इसके अलावा, रॉयल कुन्नथुर सीट से ऑर्केस्ट्रा मैदान में उतरेंगी, जबकि आर रश्मि कोट्टारक्करा से चुनावी मैदान में उतरेंगी। पार्टी ने शोभा सुंदरन को पल्लाक्क से, नव्या हरिदास को उत्तर से और कविता केस को सुल्तान बथेरी (आरक्षित) सीट से उम्मीदवार बनाया है। केरल में नौ अप्रैल को मतदान होगा, जबकि चार मई को फ्लोरिडा की गिनती होगी। क्या बोले बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष राजीव चन्द्रशेखर? नेमम विधानसभा सीट से दावेदारी बनाए रखने के बाद केरल बीजेपी अध्यक्ष राजीव शेखर शेखर ने कहा, ‘आज घोषित 47 सीटों की पहली सूची से पता चलता है कि हम इस चुनाव को कितना गंभीर मानते हैं। इस सूची में एक कट्टरपंथी केंद्रीय मंत्री, दो पूर्व मंत्री, पार्टी के दो पूर्व अध्यक्ष, कट्टर जाति समुदाय के सात सदस्य ईसाई समुदाय के चार उम्मीदवार शामिल हैं। यह बुज़ुर्ग की एक बहुत ही सुव्यवस्थित सूची है। केरल के राजनीतिक इतिहास में यह सबसे पुराना चुनाव है। मुझे चुनाव लड़ने का अवसर वास्तव में गर्व महसूस हो रहा है। मैं आज अपने अभियान की शुरुआत रोड शो और दर्शनार्थियों के साथ कर रहा हूं।’ नेमोम, मत्तम थुडांगम! आगामी केरलम विधानसभा चुनावों में ऐतिहासिक नेमोम निर्वाचन क्षेत्र के लिए भाजपा/एनडीए उम्मीदवार के रूप में नामित होने पर बेहद सम्मानित और विनम्र महसूस कर रहा हूं। पीएम के प्रति मेरी हार्दिक कृतज्ञता @नरेंद्र मोदी जी, भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष @नितिनबिन जी, गृह मंत्री @अमितशाह… pic.twitter.com/E4NSEVRC8U – राजीव चन्द्रशेखर 🇮🇳 (@RajeevRC_X) 16 मार्च 2026 बीजेपी जेडीयू की पूरी लिस्ट कम्बलर से सी.रघुनाथ, उदमा से मनुलाल मेलोथ, नंदापुरम से दीपक चंद्रन, पेरम्बा से एम मोहनन मास्टर को प्रतियोगी बनाया गया है। इसके अलावा पलक्कड़ से सोहरा सुंदरन, अज़ोकोड से के विनोद कुमार, कम्बलर से सी रघुनाथ, मनंतवाडी से पी श्याम राज, सुल्तानबथेरी से कविता ए। एस, वडकारा से एडवोकेट के दिलीप, कुट्टियाडी से रामदास मनालेरी, नादापुरम से सीपी मिर्जा चंद्रन, कोइलांडी से सीआर फुल कृष्णन को टिकट दिया गया है। इसके अलावा बालूसेरी से सीपी शृंखला, एलथुर से टी देवदास, कोझिकोड उत्तर से नव्या हरिदास, कोझिकोड दक्षिण से टी रनीश, बेपोर से केपी प्रकाश बाबू, कुन्नमंगलम से वीके संजीवन, शोरानूर शाइनी टी दास, ओट्टापलम से मेजर रवि, मालमपूजा से सी कृष्णकुमार के, चेल्ककारा से बालकृष्णन, त्रिशूर पद्माजा वेणुगोपाल, इरिंजलाकुडा से संतोष चेराकुलम, देवीकुलम के एस.आर.रबेंन, पाला से जॉर्ज सीन, वैकोम के अजित, कांजीरापल्ली से जॉर्ज कुरियन, पुंजूर से पीसी जॉर्ज को टिकट दिए गए हैं। अम्बलपुझा से अरुण अनिरुद्धन, हरिपद से संदीप वाचस्पति, चेंग वैलडर से एमवी गोपकुमार, कृवल्ला से ओप एंटनी जोसेफ, कुन्नथुर से कुंथुर प्रसाद, कोट्टाराक्कारा से आर रशीम, छठ बबीनर से बी.बी. गोपकुमार, अट्टंगल से पी. जं., कजाकुट्टम से वी. मुरीधरन, परसाला से बी नेय्यर, कत्थकड़ा से पीके हरिदास को मिलाया गया है।
देवास में घरेलू गैस सिलेंडर के दुरुपयोग पर कार्रवाई:खाद्य विभाग ने चार प्रतिष्ठानों से 8 सिलेंडर जब्त किए

देवास में खाद्य विभाग ने सोमवार को घरेलू गैस सिलेंडरों के व्यावसायिक दुरुपयोग के खिलाफ कार्रवाई की है। विभाग ने शहर के चार प्रतिष्ठानों से कुल 8 घरेलू गैस सिलेंडर जब्त किए हैं। इन प्रतिष्ठानों के विरुद्ध आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। जिला आपूर्ति अधिकारी दिनेश अहिरवार ने बताया कि विभाग ने देवास नगर में संचालित होटल और रेस्टोरेंट की जांच की। जांच दल ने लगभग 15 प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया। इनमें से चार प्रतिष्ठानों में घरेलू गैस सिलेंडरों का व्यावसायिक उपयोग पाया गया, जिसके बाद उनके खिलाफ प्रकरण तैयार किए गए। जब्त किए गए सिलेंडरों में जोधपुर स्वीट्स विकास नगर से 1, श्याम चाट भंडार जवाहर चौक से 2, संतुष्टि रेस्टोरेंट से 3 और रवि भोजनालय से 2 गैस सिलेंडर शामिल हैं। दिनेश अहिरवार ने आगे बताया कि इन प्रतिष्ठानों के विरुद्ध प्रकरण दर्ज किए गए हैं। इन मामलों को कलेक्टर न्यायालय में प्रस्तुत किया जाएगा। इस जांच कार्रवाई में सहायक आपूर्ति अधिकारी भानसिंह राय और धर्मेन्द्र वर्मा भी शामिल थे।
woolly blue curls plant benefits | medicinal plants in uttarakhand | वूली ब्लू कर्ल्स पौधे के फायदे | पहाड़ों में मिलने वाले औषधीय पौधे |

Last Updated:March 16, 2026, 19:35 IST Woolly Blue Curls Plant Benefits: उत्तराखंड के बागेश्वर जैसे पहाड़ी इलाकों में कई अनोखी जड़ी-बूटियां पाई जाती हैं. इन्हीं में से एक खास पौधा वूली ब्लू कर्ल्स है, जो अपने बैंगनी रंग के मुलायम फूलों और औषधीय गुणों के लिए जाना जाता है. स्थानीय लोग इसके पत्तों और फूलों से काढ़ा बनाकर बदन दर्द, सिरदर्द, गठिया और सर्दी-जुकाम जैसी समस्याओं में राहत पाने के लिए उपयोग करते हैं. कम देखभाल में उगने वाला यह पौधा बगीचों की सुंदरता बढ़ाने के साथ स्वास्थ्य के लिए भी उपयोगी माना जाता है. उत्तराखंड के बागेश्वर जैसे पहाड़ी इलाकों में कई अनोखी जड़ी-बूटियां पाई जाती है. इन्हीं में से एक खास पौधा वूली ब्लू कर्ल्स है. जो अपनी सुंदरता और औषधीय गुणों के लिए जाना जाता है. इस पौधे की पहचान इसके बैंगनी रंग के घने और मुलायम फूलों से होती है, जो देखने में बेहद खूबसूरत लगते हैं. पारंपरिक रूप से स्थानीय लोग इस पौधे का उपयोग घरेलू उपचार के रूप में करते हैं. खास बात यह है कि यह पौधा कम देखभाल में भी आसानी से उग जाता है, बगीचों की शोभा बढ़ाने के साथ-साथ सेहत के लिए भी उपयोगी माना जाता है. डॉ. ऐजल पटेल ने लोकल 18 को बताया कि इस पौधे की पत्तियों और फूलों से तैयार काढ़ा बदन दर्द, सिरदर्द और गठिया जैसी समस्याओं में राहत देता है. ठंड के मौसम में इसके काढ़े का सेवन शरीर को गर्माहट देता है, जोड़ों की जकड़न कम करने में मदद करता है. ग्रामीण इलाकों में आज भी लोग इसे प्राकृतिक दर्द निवारक के तौर पर अपनाते हैं, इसे सुरक्षित घरेलू नुस्खों में शामिल करते हैं. इस पौधे में सूजन-रोधी गुण होने की बात भी पारंपरिक ज्ञान में कही जाती है. शरीर के किसी हिस्से में सूजन या अंदरूनी इंफ्लेमेशन की समस्या होने पर लोग इसके पत्तों का लेप या काढ़ा उपयोग में लाते हैं. नियमित और सीमित यूज से शरीर का सूजन निमंत्रित रहता है. पहाड़ों में लंबे समय तक मेहनत करने वाले लोग इसे थकान और सूजन कम करने के लिए भी अपनाते हैं. प्राकृतिक उपचारों की बढ़ती लोकप्रियता के कारण अब युवा पीढ़ी भी ऐसे पौधों के बारे में जानकारी लेने में रुचि दिखा रही है. Add News18 as Preferred Source on Google ग्रामीण क्षेत्रों में इस पौधे का उपयोग पाचन सुधारने के लिए भी किया जाता रहा है. पुराने समय में भारी भोजन या पेट में गैस-अपच की समस्या होने पर इसके पत्तों से बना हल्का काढ़ा पिया जाता था. इससे पेट को आराम मिलता है, भूख भी बेहतर लगती है. आजकल आयुर्वेद और प्राकृतिक जीवनशैली अपनाने वाले लोग भी ऐसे पौधों के बारे में जानकारी जुटा रहे हैं. ताकि भविष्य में इनका इस्तेमाल किया जा सके. ठंड के मौसम में सर्दी-जुकाम और खांसी आम समस्या बन जाती है। ऐसे में इस पौधे की पत्तियों से बनी चाय पीने की परंपरा कई इलाकों में रही है. इससे गले को आराम मिलता है, सांस संबंधी परेशानी में राहत महसूस होती है. कुछ लोग इसकी सूखी पत्तियों का पाउडर बनाकर सूंघते हैं, जिससे नाक खुलने में मदद मिलती है. लोक उपचारों में इसकी खास जगह बनी हुई है, लोग इसे प्राकृतिक विकल्प के रूप में देखते हैं. औषधीय गुणों के अलावा यह पौधा सजावटी पौधे के रूप में भी काफी लोकप्रिय है. इसके चमकीले बैंगनी फूल और मुलायम बनावट बगीचे को बेहद आकर्षक बना देते हैं. कम पानी और धूप में भी यह अच्छी तरह बढ़ता है, इसलिए इसे घरों, पार्कों और सार्वजनिक स्थलों में लगाया जाता है. कई लोग अपने किचन गार्डन में भी इसे जगह दे रहे हैं. प्राकृतिक सुंदरता पसंद करने वाले लोगों के लिए यह पौधा एक बेहतरीन विकल्प है, जो स्वास्थ्य और सौंदर्य दोनों का ख्याल रखता है. पर्यावरण के लिहाज से भी यह पौधा महत्वपूर्ण माना जाता है. इसके फूलों की खुशबू और रंग मधुमक्खियों, तितलियों और हमिंगबर्ड जैसे परागण करने वाले जीवों को अपनी ओर खींचते हैं. इससे बगीचे का इकोसिस्टम बेहतर बनता है, अन्य पौधों के विकास में भी मदद मिलती है. जैव विविधता को बढ़ावा देने के लिए ऐसे पौधों को लगाना फायदेमंद माना जाता है. घरों और गांवों में ऐसे पौधों की संख्या बढ़ने से प्राकृतिक संतुलन बनाए रखने में सहायता मिलती है. पर्यावरण संरक्षण में भी योगदान मिलता है. पारंपरिक रूप से इस पौधे का उपयोग कई घरेलू उपचारों में किया जाता रहा है, लेकिन किसी भी जड़ी-बूटी का सेवन करने से पहले सावधानी बरतना बेहद जरूरी है. हर व्यक्ति का शरीर अलग तरह से प्रतिक्रिया करता है, इसलिए बिना विशेषज्ञ सलाह के इसका अधिक उपयोग नुकसान भी पहुंचा सकता है. गर्भवती महिलाओं, बच्चों और पहले से बीमार लोगों को विशेष सतर्कता रखनी चाहिए. सही जानकारी और संतुलित उपयोग से ही प्राकृतिक पौधों का लाभ लिया जा सकता है. जागरूकता बढ़ने के साथ अब लोग भी सुरक्षित तरीके से औषधीय पौधों को अपनाने पर ध्यान दे ये बेहद जरूरी है. First Published : March 16, 2026, 19:35 IST
KKR के हर्षित राणा IPL 2026 से बाहर:पथिराना भी चोटिल, फ्रेंचाइजी दोनों का रिप्लेसमेंट नहीं लेगी; रहमान की जगह मुजरबानी को चुना

कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) के तेज गेंदबाज हर्षित राणा IPL 2026 से बाहर हो गए हैं। वे एक दिन पहले 15 मार्च को दिल्ली में BCCI के नमन अवॉर्ड में छड़ी के सहारे चलते नजर आए थे। क्रिकेट वेबसाइट क्रिकबज ने लिखा कि हर्षित इस सीजन में नहीं खेलेंगे। उनके अलावा, श्रीलंका के मथीश पथिराना भी चोटिल हैं। दोनों गेंदबाज टी-20 वर्ल्ड कप के दौरान अपनी-अपनी टीम से खेलते हुए चोटिल हुए थे। रिपोर्ट के अनुसार KKR ने दोनों गेंदबाजों के रिप्लेसमेंट नहीं लेने का फैसला किया है। ये दोनों तेज गेंदबाज चोट के कारण उपलब्ध नहीं हैं। KKR मैनेजमेंट का मानना है कि टीम के पास पहले से पर्याप्त तेज गेंदबाजी विकल्प मौजूद हैं। फ्रेंचाइजी के स्क्वॉड में वैभव अरोड़ा, उमरान मलिक, कार्तिक त्यागी और आकाश दीप जैसे भारतीय तेज गेंदबाज शामिल हैं। प्रैक्टिस मैच में चोट लगी हर्षित राणा घुटने की चोट के कारण भारत की टी-20 वर्ल्ड कप से बाहर हो गए थे। उन्हें साउथ अफ्रीका के खिलाफ अभ्यास मैच में चोट लगी थी। इसके बाद उनकी सर्जरी हुई। उन्हें पूरी तरह फिट होने में समय लगेगा। राणा ने IPL 2024 में 19 और 2025 में 15 विकेट लिए थे। KKR को पथिराना के फिट होने की उम्मीद श्रीलंका के तेज गेंदबाज मथीशा पथिराना भी चोट के कारण फिलहाल उपलब्ध नहीं हैं। हालांकि KKR उन्हें रिप्लेस नहीं करना चाहती क्योंकि फ्रेंचाइजी को उम्मीद है कि वे IPL के दौरान किसी समय टीम से जुड़ सकते हैं। KKR ने मेगा ऑक्शन में पथिराना को 18 करोड़ रुपए में खरीदा था। सोमवार को उनके मैनेजर ने KKR जर्सी में उनकी तस्वीर साझा की, जिससे उनके टूर्नामेंट में खेलने की उम्मीद बढ़ गई है। KKR ने रहमान की जगह मुजरबानी को चुना 13 मार्च को KKR ने जिम्बाब्वे के तेज गेंदबाज ब्लेसिंग मुजरबानी को अपने साथ जोड़ा था। फ्रेंचाइजी ने उन्हें बांग्लादेशी तेज गेंदबाज मुस्तफिजुर रहमान के रिप्लेसमेंट के रूप में साइन किया है। रहमान को BCCI के निर्देश के बाद फ्रेंचाइजी ने रिलीज कर दिया था। —————————————– IPL से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… चिन्नास्वामी में IPL मैच होस्ट करने की परमीशन मिली कर्नाटक सरकार ने एम. चिन्नास्वामी स्टेडियम में IPL 2026 के मैचों के आयोजन को मंजूरी दे दी है। यहां 28 मार्च को मेजबान रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु और सनराइजर्स हैदराबाद के बीच ओपनिंग मैच खेला जाएगा। कर्नाटक स्टेट क्रिकेट एसोसिएशन (KSCA) प्रवक्ता विनय मृत्युंजय ने बताया कि एक्सपर्ट कमेटी की सिफारिशों और तैयारियों की समीक्षा के बाद यह परमीशन मिली है। पढ़ें पूरी खबर
KKR के हर्षित राणा IPL 2026 से बाहर:पथिराना भी चोटिल, टीम दोनों का रिप्लेसमेंट नहीं लेगी; रहमान की जगह मुजरबानी को चुना

कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) के तेज गेंदबाज हर्षित राणा IPL 2026 से बाहर हो गए हैं। वे एक दिन पहले 15 मार्च को दिल्ली में BCCI के नमन अवॉर्ड में छड़ी के सहारे चलते नजर आए थे। क्रिकेट वेबसाइट क्रिकबज ने लिखा कि हर्षित इस सीजन में नहीं खेलेंगे। उनके अलावा, श्रीलंका के मथीश पथिराना भी चोटिल हैं। दोनों गेंदबाज टी-20 वर्ल्ड कप के दौरान अपनी-अपनी टीम से खेलते हुए चोटिल हुए थे। KKR ने दोनों गेंदबाजों के रिप्लेसमेंट नहीं लेने का फैसला किया है। मैनेजमेंट का मानना है कि टीम के पास पहले से पर्याप्त तेज गेंदबाजी विकल्प मौजूद हैं। इसमें वैभव अरोड़ा, उमरान मलिक, कार्तिक त्यागी और आकाश दीप शामिल हैं। प्रैक्टिस मैच में चोट लगी हर्षित राणा घुटने की चोट के कारण भारत की टी-20 वर्ल्ड कप से बाहर हो गए थे। उन्हें साउथ अफ्रीका के खिलाफ अभ्यास मैच में चोट लगी थी। इसके बाद उनकी सर्जरी हुई। उन्हें पूरी तरह फिट होने में समय लगेगा। राणा ने IPL 2024 में 19 और 2025 में 15 विकेट लिए थे। KKR को पथिराना के फिट होने की उम्मीद श्रीलंका के तेज गेंदबाज मथीशा पथिराना भी चोट के कारण फिलहाल उपलब्ध नहीं हैं। हालांकि KKR उन्हें रिप्लेस नहीं करना चाहती क्योंकि फ्रेंचाइजी को उम्मीद है कि वे IPL के दौरान किसी समय टीम से जुड़ सकते हैं। KKR ने मेगा ऑक्शन में पथिराना को 18 करोड़ रुपए में खरीदा था। सोमवार को उनके मैनेजर ने KKR जर्सी में उनकी तस्वीर साझा की, जिससे उनके टूर्नामेंट में खेलने की उम्मीद बढ़ गई है। KKR ने रहमान की जगह मुजरबानी को चुना 13 मार्च को KKR ने जिम्बाब्वे के तेज गेंदबाज ब्लेसिंग मुजरबानी को अपने साथ जोड़ा था। फ्रेंचाइजी ने उन्हें बांग्लादेशी तेज गेंदबाज मुस्तफिजुर रहमान के रिप्लेसमेंट के रूप में साइन किया है। रहमान को BCCI के निर्देश के बाद फ्रेंचाइजी ने रिलीज कर दिया था। —————————————– IPL से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… चिन्नास्वामी में IPL मैच होस्ट करने की परमीशन मिली कर्नाटक सरकार ने एम. चिन्नास्वामी स्टेडियम में IPL 2026 के मैचों के आयोजन को मंजूरी दे दी है। यहां 28 मार्च को मेजबान रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु और सनराइजर्स हैदराबाद के बीच ओपनिंग मैच खेला जाएगा। कर्नाटक स्टेट क्रिकेट एसोसिएशन (KSCA) प्रवक्ता विनय मृत्युंजय ने बताया कि एक्सपर्ट कमेटी की सिफारिशों और तैयारियों की समीक्षा के बाद यह परमीशन मिली है। पढ़ें पूरी खबर
डायबिटीज से लेकर घाव तक में काम आता है अनार का फूल! आयुर्वेद में छिपे हैं इसके चौंकाने वाले फायदे

Last Updated:March 16, 2026, 19:32 IST अनार का फल तो आपने कई बार खाया होगा, लेकिन क्या आप जानते हैं कि इसका फूल भी सेहत के लिए बेहद फायदेमंद माना जाता है. आयुर्वेद में अनार के फूल का इस्तेमाल कई बीमारियों के इलाज में लंबे समय से किया जाता रहा है. डायबिटीज कंट्रोल से लेकर घाव भरने तक, इसके फायदे जानकर आप भी हैरान रह जाएंगे. (AI image) प्रकृति ने इंसानों को कई ऐसे अनमोल पौधे दिए हैं जिनमें से हर एक के भीतर किसी न किसी तरह का औषधीय गुण छिपा होता है. इन्हीं में से एक है अनार का फूल. आमतौर पर लोग अनार के फल को सेहत के लिए फायदेमंद मानते हैं, लेकिन बहुत कम लोग जानते हैं कि अनार का फूल भी कई तरह के स्वास्थ्य लाभों से भरपूर होता है. आयुर्वेद और पारंपरिक चिकित्सा पद्धति में अनार के फूल का उपयोग लंबे समय से किया जाता रहा है. पुराने समय में वैद्य और हर्बल विशेषज्ञ कई बीमारियों के इलाज में इस फूल का इस्तेमाल करते थे, क्योंकि इसमें कई प्राकृतिक तत्व मौजूद होते हैं जो शरीर के लिए लाभकारी माने जाते हैं. अनार के पेड़ पर लगने वाला लाल रंग का फूल देखने में बेहद सुंदर और आकर्षक होता है. इसकी चमकदार लाल पंखुड़ियां न सिर्फ पेड़ की सुंदरता बढ़ाती हैं बल्कि इसके भीतर कई औषधीय गुण भी छिपे होते हैं. वैज्ञानिक रूप से देखा जाए तो अनार के फूल में टैनिन, गैलिक एसिड और ट्राइटरपेनॉइड्स जैसे कई सक्रिय तत्व पाए जाते हैं. ये सभी तत्व शरीर के लिए उपयोगी माने जाते हैं और कई तरह की शारीरिक समस्याओं से राहत दिलाने में मदद कर सकते हैं. यही वजह है कि आयुर्वेद में इस फूल को एक महत्वपूर्ण हर्बल तत्व माना गया है. अनार के फूल का सबसे ज्यादा जिक्र मधुमेह यानी डायबिटीज को नियंत्रित करने के संदर्भ में किया जाता है. कई शोधों में यह संकेत मिला है कि अनार के फूल में मौजूद कुछ प्राकृतिक गुण शरीर में ब्लड शुगर लेवल को संतुलित रखने में सहायक हो सकते हैं. आयुर्वेद में भी अनार के फूल को सुखाकर उसका चूर्ण तैयार करने और सीमित मात्रा में उपयोग करने की सलाह दी जाती है. माना जाता है कि यह शरीर के मेटाबॉलिज्म को संतुलित रखने में मदद कर सकता है और शुगर के स्तर को नियंत्रित रखने में सहायक हो सकता है. इसके अलावा अनार का फूल घाव भरने में भी काफी उपयोगी माना जाता है. इसमें मौजूद टैनिन और एंटीऑक्सीडेंट गुण त्वचा को जल्दी ठीक होने में मदद कर सकते हैं. पुराने समय में लोग अनार के सूखे फूल को पीसकर उसका लेप बनाते थे और उसे घाव या चोट वाली जगह पर लगाते थे. ऐसा करने से सूजन कम होने में मदद मिलती थी और घाव जल्दी भरने की संभावना बढ़ जाती थी. इस कारण इसे एक प्राकृतिक हीलिंग एजेंट भी माना जाता है. अनार के फूल में एंटी-इन्फ्लेमेटरी गुण भी पाए जाते हैं, जो शरीर में होने वाली सूजन को कम करने में सहायक माने जाते हैं. शरीर में होने वाली छोटी-मोटी सूजन कई बार दर्द और असहजता का कारण बनती है. ऐसे में अनार के फूल से बने कुछ पारंपरिक हर्बल उपचार राहत देने में मदद कर सकते हैं. यही कारण है कि कई आयुर्वेदिक और हर्बल उत्पादों में भी इस फूल का उपयोग किया जाता है. इसके साथ ही अनार का फूल एंटीऑक्सीडेंट से भी भरपूर होता है. एंटीऑक्सीडेंट शरीर को फ्री रेडिकल्स से बचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं. फ्री रेडिकल्स शरीर की कोशिकाओं को नुकसान पहुंचा सकते हैं और कई गंभीर बीमारियों की वजह बन सकते हैं. ऐसे में एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर चीजों का सेवन शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत बनाने में मदद कर सकता है. माना जाता है कि सही तरीके से उपयोग करने पर अनार का फूल इम्यून सिस्टम को भी बेहतर बनाने में सहायक हो सकता है. हालांकि, प्राकृतिक चीजें भले ही फायदेमंद होती हैं, लेकिन उनका सही मात्रा में और सही तरीके से उपयोग करना बहुत जरूरी होता है. इसलिए अगर कोई व्यक्ति अनार के फूल का औषधीय उपयोग करना चाहता है, तो बेहतर है कि पहले किसी आयुर्वेदिक विशेषज्ञ या डॉक्टर से सलाह जरूर ले. इससे इसका सुरक्षित और सही लाभ मिल सकता है. About the Author Vividha Singh विविधा सिंह न्यूज18 हिंदी (NEWS18) में पत्रकार हैं. इन्होंने दिल्ली यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता में बैचलर और मास्टर्स की डिग्री हासिल की है. पत्रकारिता के क्षेत्र में ये 3 वर्षों से काम कर रही हैं. फिलहाल न्यूज18…और पढ़ें Location : Delhi,Delhi,Delhi First Published : March 16, 2026, 19:30 IST
दशकों से भारत की राजनीति पर नज़र रख रही कांग्रेस पर निशिकांत दुबे की लाइब्रेरी के अंदर | राजनीति समाचार

आखरी अपडेट:मार्च 16, 2026, 19:29 IST यह पहल, जिस पर निशिकांत दुबे पिछले कुछ समय से चुपचाप काम कर रहे हैं, आने वाले दिनों में जनता के लिए खोले जाने की उम्मीद है लोकसभा में बीजेपी सांसद निशिकांत दुबे. (संसद टीवी) यदि कोई कांग्रेस और भारत के राजनीतिक पथ को आकार देने में इसकी भूमिका से जुड़ी कई बहसों और विवादों का पता लगाना चाहता है, तो जल्द ही राजधानी में एक नए पते की ओर रुख किया जा सकता है। झारखंड के गोड्डा से भारतीय जनता पार्टी के सांसद निशिकांत दुबे का आधिकारिक निवास, 3, सफदरजंग लेन में एक पुस्तकालय खोलने की तैयारी चल रही है, जिसके बारे में उनका कहना है कि यह आजादी के बाद से भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के इतिहास का दस्तावेजीकरण करेगा। यह पहल, जिस पर दुबे कुछ समय से चुपचाप काम कर रहे हैं, आने वाले दिनों में जनता के लिए खोले जाने की उम्मीद है। प्रस्तावित पुस्तकालय में दशकों के राजनीतिक विकास का पता लगाने वाली किताबें, रिपोर्ट और अभिलेखीय सामग्री रखी जाएगी। दुबे के अनुसार, कई खंड शुभचिंतकों द्वारा दान किए गए हैं, जबकि कई अन्य शोध और राजनीतिक इतिहास में उनकी दीर्घकालिक रुचि के हिस्से के रूप में उनके द्वारा व्यक्तिगत रूप से प्राप्त किए गए हैं। संग्रह की प्रमुख कृतियों में सामाजिक समरसता है, जिसे नरेंद्र मोदी ने गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में अपने कार्यकाल के दौरान लिखा था। यह पुस्तक सामाजिक सद्भाव के विचार पर केंद्रित है, जिसमें जाति की बाधाओं को तोड़ने, समानता को बढ़ावा देने और प्रधान मंत्री द्वारा “विकसित भारत” के निर्माण के लिए बीआर अंबेडकर और महात्मा गांधी जैसे नेताओं से प्रेरणा लेने की आवश्यकता पर जोर दिया गया है। अलमारियों में भारत के IV कोर के पूर्व कमांडर बृज मोहन कौल की द अनटोल्ड स्टोरी भी शामिल होगी। आत्मकथात्मक लेख 1962 के भारत-चीन युद्ध से पहले की घटनाओं पर एक विवादास्पद प्रत्यक्ष परिप्रेक्ष्य प्रस्तुत करता है और तत्कालीन प्रधान मंत्री जवाहरलाल नेहरू के साथ कौल की बातचीत का विवरण देता है। पुस्तक ने अपने प्रकाशन के समय युद्ध और उससे जुड़े निर्णयों के स्पष्ट विवरण के कारण राजनीतिक बहस छेड़ दी थी। दुबे ने कहा कि लाइब्रेरी में उपलब्ध सामग्री को डिजिटल बनाने के भी प्रयास चल रहे हैं। उन्होंने कहा, विचार अंततः रिपॉजिटरी को कृत्रिम बुद्धिमत्ता उपकरणों के साथ एकीकृत करना है ताकि दुनिया भर के विद्वान और पाठक एक ही ऑनलाइन मंच के माध्यम से सामग्री तक पहुंच सकें। पुस्तकों के अलावा, पुस्तकालय में शाह आयोग रिपोर्ट और एकाधिकार आयोग रिपोर्ट के निष्कर्षों सहित कई आधिकारिक रिपोर्टें भी शामिल होंगी। दुबे के अनुसार, ये दस्तावेज़ पाठकों को दशकों में लिए गए शासन और नीतिगत निर्णयों के विभिन्न चरणों की जांच करने में मदद करेंगे। भाजपा सांसद दो संकलन परियोजनाओं पर भी काम कर रहे हैं। प्रस्तावित पुस्तकों में से एक संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन और राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन सरकारों के कार्यकाल के दौरान संसद में दिए गए राष्ट्रपति के भाषणों की तुलना करेगी। दूसरा कांग्रेस प्रधानमंत्रियों द्वारा लाल किले से दिए गए स्वतंत्रता दिवस भाषणों और प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा दिए गए भाषणों का विश्लेषण करेगा, जो उनकी प्राथमिकताओं और संदेश पर तुलनात्मक नजर डालेगा। फिलहाल, उम्मीद है कि लाइब्रेरी लगभग 250 पुस्तकों, रिपोर्टों और लेखों के संग्रह के साथ शुरू होगी, समय के साथ संग्रह का विस्तार करने की योजना है। सूत्रों के मुताबिक, आने वाले सप्ताह में जब लाइब्रेरी औपचारिक रूप से आगंतुकों के लिए खोली जाएगी तो भाजपा के वरिष्ठ नेताओं के उद्घाटन में शामिल होने की संभावना है। बजट सत्र के पहले भाग के दौरान भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के नेतृत्व के साथ तीखी नोकझोंक के बाद, दुबे ने घोषणा की कि वह जल्द ही एक पुस्तकालय स्थापित करेंगे, जिसका उद्देश्य दशकों में कांग्रेस को हुए नुकसान का दस्तावेजीकरण करना होगा, उन्होंने कहा कि इससे लोगों को पार्टी के रिकॉर्ड और पिछले फैसलों पर पछतावे की कथित कमी को समझने में मदद मिलेगी। पहले प्रकाशित: मार्च 16, 2026, 19:29 IST समाचार राजनीति दशकों से भारत की राजनीति पर नज़र रखने वाली कांग्रेस पर निशिकांत दुबे की लाइब्रेरी के अंदर अस्वीकरण: टिप्पणियाँ उपयोगकर्ताओं के विचार दर्शाती हैं, News18 के नहीं। कृपया चर्चाएँ सम्मानजनक और रचनात्मक रखें। अपमानजनक, मानहानिकारक, या अवैध टिप्पणियाँ हटा दी जाएंगी। News18 अपने विवेक से किसी भी टिप्पणी को अक्षम कर सकता है. पोस्ट करके, आप हमारी उपयोग की शर्तों और गोपनीयता नीति से सहमत होते हैं। और पढ़ें (टैग्सटूट्रांसलेट)कांग्रेस का इतिहास भारत(टी)भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस(टी)बीजेपी लाइब्रेरी(टी)राजनीतिक इतिहास भारत(टी)निशिकांत दुबे(टी)कांग्रेस विवाद(टी)नरेंद्र मोदी पुस्तक(टी)शाह आयोग की रिपोर्ट
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Last Updated:March 16, 2026, 19:13 IST Khana Khane Ke Bad Pani Kab Peena Chahiye: हम अक्सर खाना खत्म करते ही गटागट पानी पीना एक सामान्य आदत मानते हैं, लेकिन क्या आप जानते हैं कि यह छोटी सी चूक आपके पाचन तंत्र के लिए भारी पड़ सकती है. ऋषिकेश के डॉक्टर राजकुमार के अनुसार, भोजन के तुरंत बाद पानी पीना पेट में मौजूद उन जादुई पाचक रसों को पतला कर देता है जो खाने को ऊर्जा में बदलते हैं. इससे न सिर्फ पाचन प्रक्रिया सुस्त होती है, बल्कि गैस और एसिडिटी जैसी परेशानियां भी घर कर लेती हैं. सेहतमंद रहने के लिए पानी कब और कैसे पीना चाहिए, जानिए इसका सही समय. ऋषिकेश: अक्सर हम में से ज्यादातर लोगों की आदत होती है कि जैसे ही खाना खत्म हुआ, तुरंत एक गिलास पानी पी लिया. कई घरों में तो खाना खत्म करते ही पानी पीना सामान्य दिनचर्या का हिस्सा माना जाता है. लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि यह आदत आपकी सेहत पर क्या असर डाल सकती है.भोजन के तुरंत बाद ज्यादा पानी पीना पाचन प्रक्रिया को प्रभावित कर सकता है. इसलिए जरूरी है कि हम अपनी इस छोटी सी आदत के पीछे की सच्चाई को समझें. लोकल 18 के साथ बातचीत के दौरान डॉ राजकुमार (आयुष) ने बताया कि खाना हमारे शरीर के लिए ऊर्जा और पोषण का मुख्य स्रोत होता है. जब हम भोजन करते हैं तो शरीर में पाचन की प्रक्रिया शुरू हो जाती है. पेट में मौजूद पाचक रस और एंजाइम भोजन को तोड़ने का काम करते हैं ताकि शरीर को जरूरी पोषक तत्व मिल सकें. ऐसे में अगर हम खाना खत्म करते ही तुरंत ज्यादा मात्रा में पानी पी लेते हैं तो यह पाचक रसों को पतला कर सकता है. इससे पाचन की प्रक्रिया थोड़ी धीमी पड़ सकती है. खाना खाने के कितने समय बाद पानी पीना चाहिए कई लोगों को यह भी महसूस होता है कि खाना खाने के तुरंत बाद पानी पीने से पेट में भारीपन या गैस की समस्या होने लगती है. कुछ मामलों में एसिडिटी या अपच की शिकायत भी देखने को मिलती है. हालांकि हर व्यक्ति का शरीर अलग होता है, इसलिए इसका असर भी अलग-अलग हो सकता है. फिर भी सामान्य तौर पर भोजन के तुरंत बाद ज्यादा पानी पीने से बचना बेहतर माना जाता है. सबसे अच्छा तरीका यह है कि भोजन करने के करीब 20 से 30 मिनट बाद पानी पिया जाए. इस दौरान पेट में पाचन की शुरुआती प्रक्रिया शुरू हो चुकी होती है, जिससे खाना धीरे-धीरे पचने लगता है. जब आप थोड़ी देर बाद पानी पीते हैं तो यह शरीर को हाइड्रेट भी करता है और पाचन प्रक्रिया को भी ज्यादा प्रभावित नहीं करता. यह भी पढ़ें: वजन कम करना या बढ़ानी हो इम्यूनिटी! रोज खाएं स्प्राउट्स, एक्सपर्ट से जानिए इसके कमाल के फायदे क्या खाना खाते समय पानी पी सकते हैं?हालांकि इसका मतलब यह नहीं है कि खाना खाते समय पानी बिल्कुल नहीं पीना चाहिए. अगर आपको खाने के दौरान प्यास लगती है तो आप थोड़ा-थोड़ा पानी पी सकते हैं. भोजन के दौरान एक-दो घूंट पानी लेना सामान्य है और इससे कोई बड़ा नुकसान नहीं होता. बवजन कम करना या बढ़ानी हो इम्यूनिटी! रोज खाएं स्प्राउट्स, एक्सपर्ट से जानिए इसके कमाल के फायदेल्कि कुछ लोगों के लिए यह खाना निगलने में भी मदद करता है.एक और महत्वपूर्ण बात यह है कि बहुत ठंडा पानी भी खाने के तुरंत बाद नहीं पीना चाहिए. अत्यधिक ठंडा पानी पाचन प्रक्रिया को थोड़ी देर के लिए धीमा कर सकता है और पेट में असहजता महसूस हो सकती है. इसलिए सामान्य तापमान का पानी पीना ज्यादा बेहतर माना जाता है. About the Author Seema Nath सीमा नाथ पांच साल से मीडिया के क्षेत्र में काम कर रही हैं. शाह टाइम्स, उत्तरांचल दीप, न्यूज अपडेट भारत के साथ ही लोकल 18 (नेटवर्क18) में काम किया है. वर्तमान में मैं News18 (नेटवर्क18) के साथ जुड़ी हूं, जहां मै…और पढ़ें Location : Rishikesh,Dehradun,Uttarakhand First Published : March 16, 2026, 19:13 IST
पन्ना में भैंस खेत में घुसने को लेकर विवाद:पड़ोसी ने सिर पर डंडा मारा, बुजुर्ग की मौके पर मौत; आरोपी फरार, तलाश रही पुलिस

पन्ना जिले के सिमरिया थाना क्षेत्र अंतर्गत में सोमवार को खेत में भैंस घुसने के विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। हरदुआ में मामूली कहासुनी के बाद हुए हमले में 60 वर्षीय बुजुर्ग की मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ हत्या का प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। भैंस चराने के दौरान हुआ विवाद मृतक की पहचान हरदुआ पटेल निवासी नोनेलाल पटेल (60) के रूप में हुई है। सोमवार को नोनेलाल अपने साथी सिब्बू पटेल के साथ भैंस चरा रहे थे। इसी दौरान उनकी भैंसें पास ही स्थित मगना अहिरवार और देवेंद्र अहिरवार के खेत की मेड़ की ओर चली गईं। खेत में मवेशी घुसने की बात पर दोनों पक्षों के बीच विवाद शुरू हो गया। सिर पर डंडे से किया हमला प्रत्यक्षदर्शी सिब्बू पटेल ने बताया कि बहस के दौरान मगना के पुत्र देवेंद्र अहिरवार ने लकड़ी के डंडे से नोनेलाल के सिर पर जोरदार प्रहार कर दिया। चोट इतनी गंभीर थी कि नोनेलाल जमीन पर गिर पड़े और कुछ ही मिनटों में उन्होंने दम तोड़ दिया। हमला करने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया। आरोपी की तलाश कर रही पुलिस घटना की सूचना मिलते ही हरदुआ चौकी प्रभारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भिजवाया है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि आरोपी देवेंद्र अहिरवार के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया गया है और उसकी गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं। गांव में पुलिस बल तैनात हत्या की इस घटना के बाद गांव में तनाव की स्थिति को देखते हुए एहतियातन पुलिस बल तैनात किया गया है। पुलिस ने ग्रामीणों से शांति बनाए रखने की अपील की है। फिलहाल पुलिस गवाहों के बयान दर्ज कर रही है और वारदात में इस्तेमाल किया गया डंडा बरामद करने की कोशिश कर रही है।
केरल विधानसभा चुनाव के लिए भाजपा ने 47 उम्मीदवारों की घोषणा की; फील्ड्स राजीव चन्द्रशेखर, मुरलीधरन | चुनाव समाचार

आखरी अपडेट:मार्च 16, 2026, 18:53 IST अन्य उल्लेखनीय उम्मीदवारों में पूनजर से पीसी जॉर्ज, वट्टियूरकावु से आर श्रीलेखा और त्रिशूर से पद्मजा वेणुगोपाल शामिल हैं। तिरुवनंतपुरपुरम में एक संवाददाता सम्मेलन के दौरान केरल भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष राजीव चंद्रशेखर। (पीटीआई फोटो) भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने सोमवार को आगामी केरल विधानसभा चुनाव के लिए 47 उम्मीदवारों की अपनी पहली सूची की घोषणा की। सूची में पूर्व केंद्रीय मंत्री राजीव चंद्रशेखर और वी मुरलीधरन शामिल हैं, जो क्रमशः नेमोम और कज़ाकुट्टम सीटों से चुनाव लड़ेंगे। पूर्व केंद्रीय मंत्री जॉर्ज कुरियन को कांजीरापल्ली से मैदान में उतारा गया है। अन्य उल्लेखनीय उम्मीदवारों में पूनजर से पीसी जॉर्ज, वट्टियूरकावु से आर श्रीलेखा और त्रिशूर से पद्मजा वेणुगोपाल शामिल हैं। आरक्षित निर्वाचन क्षेत्रों के लिए, राजी प्रसाद कुन्नथुर से, आर रश्मी कोट्टाराक्कारा से, और कविता केएस सुल्तानबाथेरी से चुनाव लड़ेंगे। शोभा सुरेबद्रन और नव्या हरिदास क्रमशः पलक्कड़ और कोझिकोड उत्तर से चुनाव लड़ेंगी। भाजपा ने आगामी केरल विधानसभा चुनाव के लिए 47 उम्मीदवारों की पहली सूची की घोषणा की, के सुरेंद्रन को मंजेश्वर सीट से मैदान में उतारा गया। कोझिकोड उत्तर से नव्या हरिदास। कंजिराप्पल्ली से वकील जॉर्ज कुरियन, कज़ाकुट्टम से वी. मुरलीधरन और प्रदेश अध्यक्ष राजीव… pic.twitter.com/8BZesMmLIT – एएनआई (@ANI) 16 मार्च 2026 एक प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, भाजपा की केंद्रीय चुनाव समिति ने 12 मार्च को नितिन नबीन की अध्यक्षता में एक बैठक में उम्मीदवारों को अंतिम रूप दिया। बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह, केंद्रीय मंत्री अमित शाह और पार्टी के अन्य वरिष्ठ नेता मौजूद रहे. केरल की विधानसभा में 140 सीटें हैं, जहां मुख्य मुकाबला परंपरागत रूप से लेफ्ट डेमोक्रेटिक फ्रंट (एलडीएफ) और यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (यूडीएफ) के बीच होता है। भाजपा, राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) के हिस्से के रूप में, लगभग 100 सीटों पर चुनाव लड़ने की योजना बना रही है, जबकि उसके सहयोगी भारत धर्म जन सेना (बीडीजेएस) और ट्वेंटी 20 के शेष 40 सीटों पर चुनाव लड़ने की उम्मीद है। चुनाव आयोग ने केरल विधानसभा चुनाव 9 अप्रैल को एक ही दिन के लिए निर्धारित किया है और वोटों की गिनती 4 मई को होगी। असम और पुडुचेरी में भी मतदान 9 अप्रैल को होगा, जबकि तमिलनाडु में 23 अप्रैल को मतदान होगा। पश्चिम बंगाल में 23 और 29 अप्रैल को दो चरणों में चुनाव होंगे। (एएनआई से इनपुट के साथ) चुनी हुई कहानियाँ, आपके इनबॉक्स में हमारी सर्वोत्तम पत्रकारिता वाला एक न्यूज़लेटर जमा करना जगह : केरल, भारत, भारत पहले प्रकाशित: मार्च 16, 2026, 18:51 IST समाचार चुनाव केरल विधानसभा चुनाव के लिए भाजपा ने 47 उम्मीदवारों की घोषणा की; राजीव चन्द्रशेखर, मुरलीधरन को मैदान में उतारा अस्वीकरण: टिप्पणियाँ उपयोगकर्ताओं के विचार दर्शाती हैं, News18 के नहीं। कृपया चर्चाएँ सम्मानजनक और रचनात्मक रखें। अपमानजनक, मानहानिकारक, या अवैध टिप्पणियाँ हटा दी जाएंगी। News18 अपने विवेक से किसी भी टिप्पणी को अक्षम कर सकता है. पोस्ट करके, आप हमारी उपयोग की शर्तों और गोपनीयता नीति से सहमत होते हैं। और पढ़ें (टैग्सटूट्रांसलेट)केरल विधानसभा चुनाव(टी)केरल विधानसभा चुनाव के लिए बीजेपी उम्मीदवार(टी)बीजेपी(टी)केरल विधानसभा चुनाव 2026








