Wednesday, 15 Jul 2026 | 04:31 AM

Trending :

ब्रजेश्वरी हादसे के बाद सख्ती:330 इमारतों में जांच; 60 में फायर सेफ्टी नहीं, 28 में उपकरण खराब

ब्रजेश्वरी हादसे के बाद सख्ती:330 इमारतों में जांच; 60 में फायर सेफ्टी नहीं, 28 में उपकरण खराब

ब्रजेश्वरी एनेक्स हादसे के बाद नगर निगम ने शहर की बहुमंजिला इमारतों की जांच शुरू कर दी है। निगम की टीम 10 दिनों में 330 इमारतों में निरीक्षण के लिए पहुंची, जिसमें 60 इमारतों में फायर सेफ्टी की कोई व्यवस्था नहीं मिली, वहीं 28 इमारतों में उपकरण खराब पाए गए। निगम ने सभी 22 जोन के भवन अधिकारियों को एनओसी और फायर सेफ्टी की जांच के निर्देश दिए हैं। निगम अधिकारियों के मुताबिक, शहर में करीब 12 हजार ऐसी इमारतें हैं, जिनकी जांच की जानी है। अभियान पूरे गर्मी सीजन में करीब चार महीने तक चलेगा। जिन इमारतों में फायर सेफ्टी व्यवस्था अधूरी या खराब मिली है, उन्हें 15 दिन में सुधार के निर्देश दिए गए हैं, अन्यथा इमारत को सील किया जाएगा। फायर सेफ्टी: तीन तरह की अनुमति जरूरी शहर में फायर एनओसी अब नगर निगम द्वारा स्थानीय स्तर पर जारी की जाती है। वर्ष 2022 से पहले यह एनओसी भोपाल से जारी होती थी। फायर सेफ्टी के लिए तीन तरह की अनुमति लेना जरूरी है। सबसे पहले फायर प्लान का अप्रूवल लिया जाता है। सिस्टम लगने के बाद फायर सेफ्टी सर्टिफिकेट जारी किया जाता है। हर तीन साल में एनओसी का रिन्यूअल अनिवार्य है। रिन्यूअल के समय निगम अधिकारी जांच करते हैं। अब यह भी जांच हो रही है कि किन बिल्डिंग मालिकों ने रिन्यू नहीं कराया है। 12000 इमारतों की जांच होगी पूरे गर्मी के सीजन में। जांच में ये देखा
फायर एनओसी व एक्सटिंग्विशर और उपकरणों स्थिति।
एग्जिट व्यवस्था।
हर फ्लोर पर स्मोक डिटेक्टर या फायर अलार्म सिस्टम। मॉक ड्रिल में संस्थानों को दी सीख
गर्मी में बढ़ते अग्नि जोखिम को देखते हुए नगर निगम की फायर टीम ने शहर में मॉक ड्रिल अभियान शुरू किया है। कलेक्टर शिवम वर्मा व निगमायुक्त क्षितिज सिंघल के अनुसार, इस दौरान व्यावसायिक, शैक्षणिक व सार्वजनिक संस्थानों में आग से बचाव और सुरक्षित निकासी का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। लोगों को बताया गया कि आग लगने पर तुरंत 101 पर सूचना दें। लोगों को सुरक्षित बाहर निकालें। धुएं से बचने के लिए झुककर निकलें। लिफ्ट की जगह सीढ़ियों का उपयोग करें। बिजली-गैस कनेक्शन तत्काल बंद करें। संकरी गलियों के लिए खरीदे फायर रोबोट शहर के मध्य क्षेत्र के 60 फीसदी इलाकों में गलियां संकरी होने से फायर ब्रिगेड नहीं पहुंच पाती है। इसके समाधान के लिए निगम ने फायर रोबोट खरीदा है। निगम के पास फायर बुलेट भी है, लेकिन भीषण आग में कारगर नहीं है। 50 बेड से अधिक अस्पतालों के लिए फायर एनओसी अनिवार्य है। एनओसी नहीं होने पर कुछ अस्पतालों के पंजीयन रुके हुए हैं।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
बच्चों को बचाने में बाइक फिसली, युवक घायल:डायल-112 ने पहुंचाया अस्पताल, बहुती स्कूल के सामने हादसा

April 11, 2026/
11:00 pm

मऊगंज में एक बाइक चालक बच्चों को बचाने के प्रयास में सड़क पर फिसल गया। इस हादसे में चालक घायल...

उत्तराखंड की बेटी ने जापान में जीता ब्रॉन्ज मेडल:फटे जूतों की कहानी सुन क्रिकेटर स्नेह राणा ने दिए नए स्पाइक्स, बोलीं- हमेशा साथ निभाऊंगी

April 3, 2026/
5:30 am

रुड़की के एक छोटे से गांव की रहने वाली एथलीट सोनिया ने जापान के फुकुओका में हुई 18वीं एशियन क्रॉस...

RPSC Assistant Professor Recruitment Hike

May 13, 2026/
7:12 pm

सहायक आचार्य (कॉलेज शिक्षा विभाग) भर्ती- 2025 अंतर्गत पूर्व में विज्ञापित पदों की संख्या में बढोतरी कर दी गई है।...

USS George Bush Africa Circumnavigate Gulf

April 18, 2026/
3:45 pm

वॉशिंगटन डीसी13 मिनट पहले कॉपी लिंक USS जॉर्ज एचडब्ल्यू बुश सबसे ताकतवर एयरक्राफ्ट कैरियर में से एक है। (फाइल फोटो)...

प्रेग्नेंसी के बावजूद काम में बिजी दीपिका पादुकोण:पुनीत मल्होत्रा के साथ की शूटिंग, डायरेक्टर बोले- कर्ज चुकाऊंगा; 19 अप्रैल को अनाउंस की प्रेग्नेंसी

April 22, 2026/
10:16 am

बॉलीवुड एक्ट्रेस दीपिका पादुकोण ने हाल ही में दूसरी प्रेग्नेंसी अनाउंस की है। पिछली प्रेग्नेंसी में भी एक्ट्रेस ने काल्कि...

राजनीति

ब्रजेश्वरी हादसे के बाद सख्ती:330 इमारतों में जांच; 60 में फायर सेफ्टी नहीं, 28 में उपकरण खराब

ब्रजेश्वरी हादसे के बाद सख्ती:330 इमारतों में जांच; 60 में फायर सेफ्टी नहीं, 28 में उपकरण खराब

ब्रजेश्वरी एनेक्स हादसे के बाद नगर निगम ने शहर की बहुमंजिला इमारतों की जांच शुरू कर दी है। निगम की टीम 10 दिनों में 330 इमारतों में निरीक्षण के लिए पहुंची, जिसमें 60 इमारतों में फायर सेफ्टी की कोई व्यवस्था नहीं मिली, वहीं 28 इमारतों में उपकरण खराब पाए गए। निगम ने सभी 22 जोन के भवन अधिकारियों को एनओसी और फायर सेफ्टी की जांच के निर्देश दिए हैं। निगम अधिकारियों के मुताबिक, शहर में करीब 12 हजार ऐसी इमारतें हैं, जिनकी जांच की जानी है। अभियान पूरे गर्मी सीजन में करीब चार महीने तक चलेगा। जिन इमारतों में फायर सेफ्टी व्यवस्था अधूरी या खराब मिली है, उन्हें 15 दिन में सुधार के निर्देश दिए गए हैं, अन्यथा इमारत को सील किया जाएगा। फायर सेफ्टी: तीन तरह की अनुमति जरूरी शहर में फायर एनओसी अब नगर निगम द्वारा स्थानीय स्तर पर जारी की जाती है। वर्ष 2022 से पहले यह एनओसी भोपाल से जारी होती थी। फायर सेफ्टी के लिए तीन तरह की अनुमति लेना जरूरी है। सबसे पहले फायर प्लान का अप्रूवल लिया जाता है। सिस्टम लगने के बाद फायर सेफ्टी सर्टिफिकेट जारी किया जाता है। हर तीन साल में एनओसी का रिन्यूअल अनिवार्य है। रिन्यूअल के समय निगम अधिकारी जांच करते हैं। अब यह भी जांच हो रही है कि किन बिल्डिंग मालिकों ने रिन्यू नहीं कराया है। 12000 इमारतों की जांच होगी पूरे गर्मी के सीजन में। जांच में ये देखा
फायर एनओसी व एक्सटिंग्विशर और उपकरणों स्थिति।
एग्जिट व्यवस्था।
हर फ्लोर पर स्मोक डिटेक्टर या फायर अलार्म सिस्टम। मॉक ड्रिल में संस्थानों को दी सीख
गर्मी में बढ़ते अग्नि जोखिम को देखते हुए नगर निगम की फायर टीम ने शहर में मॉक ड्रिल अभियान शुरू किया है। कलेक्टर शिवम वर्मा व निगमायुक्त क्षितिज सिंघल के अनुसार, इस दौरान व्यावसायिक, शैक्षणिक व सार्वजनिक संस्थानों में आग से बचाव और सुरक्षित निकासी का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। लोगों को बताया गया कि आग लगने पर तुरंत 101 पर सूचना दें। लोगों को सुरक्षित बाहर निकालें। धुएं से बचने के लिए झुककर निकलें। लिफ्ट की जगह सीढ़ियों का उपयोग करें। बिजली-गैस कनेक्शन तत्काल बंद करें। संकरी गलियों के लिए खरीदे फायर रोबोट शहर के मध्य क्षेत्र के 60 फीसदी इलाकों में गलियां संकरी होने से फायर ब्रिगेड नहीं पहुंच पाती है। इसके समाधान के लिए निगम ने फायर रोबोट खरीदा है। निगम के पास फायर बुलेट भी है, लेकिन भीषण आग में कारगर नहीं है। 50 बेड से अधिक अस्पतालों के लिए फायर एनओसी अनिवार्य है। एनओसी नहीं होने पर कुछ अस्पतालों के पंजीयन रुके हुए हैं।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.