आज की सरकारी नौकरी:झारखंड में 611 भर्ती का नोटिफिकेशन जारी; UPPSC ने 182 पदों पर निकाली भर्ती, कोल इंडिया में 276 ओपनिंग्स

आज की सरकारी नौकरी में जानकारी झारखंड में 611 पदों पर भर्ती का नोटिफिकेशन जारी होने की, UPPSC ने 182 पदों पर निकाली भर्ती की। साथ में कोल इंडिया लिमिटेड में मैनेजमेंट ट्रेनी के 276 ओपनिंग्स की। इन जॉब्स के बारे में पूरी जानकारी के साथ आवेदन की प्रक्रिया यहां देखिए… 1. झारखंड में 611 भर्ती का नोटिफिकेशन जारी, 1 जून से शुरू आवेदन झारखंड कर्मचारी चयन आयोग ने 611 पदों पर भर्ती के लिए नोटिफिकेशन जारी किया है। उम्मीदवार ऑफिशियल वेबसाइट jssc.jharkhand.gov.in पर जाकर आवेदन कर सकेंगे। फॉर्म में करेक्शन 5 जुलाई से 10 जुलाई 2026 तक होंगे। फीस 3 जुलाई तक जमा की जा सकेगी। वैकेंसी डिटेल्स : एजुकेशनल क्वालिफिकेशन : एज लिमिट : सिलेक्शन प्रोसेस : सैलरी : फीस : एग्जाम पैटर्न : प्रीलिम्स एग्जाम : मेन्स एग्जाम पैटर्न : ऑफिशियल नोटिफिकेशन लिंक ऑनलाइन आवेदन लिंक 2. UPPSC ने 182 पदों पर निकाली भर्ती, सैलरी डेढ़ लाख से ज्यादा उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग ने असिस्टेंट प्रॉसिक्यूशन ऑफिसर (APO) 2025 की मेंस परीक्षा के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया शुरू कर दी है। प्रीलिम्स एग्जाम में सफल उम्मीदवार ऑफिशियल वेबसाइट uppsc.up.nic.in पर जाकर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। प्रीलिम्स एग्जाम के बेसिस पर 2,856 उम्मीदवारों को मेन्स एग्जाम के लिए शॉर्टलिस्ट किया गया है। एजुकेशनल क्वालिफिकेशन : प्रीलिम्स एग्जाम क्लियर करने वाले 2,856 उम्मीदवार इस एग्जाम के लिए एलिजिबल होंगे। एज लिमिट : फीस : सिलेक्शन प्रोसेस : सैलरी : मेन्स एग्जाम पैटर्न : ऐसे करें आवेदन : ऑफिशियल वेबसाइट लिंक ऑफिशियल नोटिफिकेशन लिंक 2. कोल इंडिया लिमिटेड में 276 भर्ती, सैलरी 1 लाख 80 हजार तक कोल इंडिया लिमिटेड में 276 पदों पर भर्ती निकली है। इस भर्ती के लिए फीस जमा करने की आखिरी तारीख भी 7 जून तय की गई है। उम्मीदवार ऑफिशियल वेबसाइट coalindia.in पर जाकर अप्लाई कर सकते हैं। कैटेगरी वाइस पदों की संख्या : एजुकेशनल क्वालिफिकेशन : एज लिमिट : फीस : सिलेक्शन प्रोसेस : सैलरी : 60,000 – 1,80,000 रुपए प्रतिमाह जरूरी डॉक्यूमेंट्स : ऐसे करें आवेदन ऑफिशियल नोटिफिकेशन लिंक ऑनलाइन आवेदन लिंक 4. UPSSSC ने ASO, ARO पदों पर निकाली भर्ती, लास्ट डेट 11 मई उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग ( UPSSSC ) ने सहायक सांख्यिकी अधिकारी (ASO) और सहायक अनुसंधान अधिकारी (ARO) के पदों पर भर्ती निकाली है। इस भर्ती के लिए आवेदन की आखिरी तारीख 11 मई तय की गई है। उम्मीदवार वेबसाइट upsssc.gov.in पर जाकर आवेदन कर सकते हैं। फीस जमा करने की आखिरी तारीख 11 मई तय की गई है। फॉर्म में करेक्शन की आखिरी तारीख 28 मई है। एजुकेशनल क्वालिफिकेशन : एज लिमिट : फीस : सभी उम्मीदवारों के लिए : 25 रुपए सिलेक्शन प्रोसेस : PET 2025 के अंकों के आधार पर शॉर्टलिस्टिंग सैलरी: 35400 – 1,12,400 रुपए प्रतिमाह एग्जाम पैटर्न : सिलेबस : ऐसे करें आवेदन : ऑफिशियल वेबसाइट लिंक ऑफिशियल नोटिफिकेशन लिंक सरकारी नौकरी की ये खबरें भी पढ़ें MPESB में हॉस्पिटल असिस्टेंट की 1200 भर्ती, भावनगर म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन में 120 वैकेंसी, ISRO में निकलीं 15 ओपनिंग्स आज की सरकारी नौकरी में जानकारी MPESB में 1200 पदों पर भर्ती की, भावनगर म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन में 120 वैकेंसी की। साथ ही ISRO में 15 ओपनिंग्स की। पूरी खबर यहां पढ़ें
'स्टूडियो के बाहर बैठकर रो रही थीं मोना कपूर':फिल्म ‘जुदाई’ के दौरान बोनी कपूर-श्रीदेवी के रिश्ते का पता चला, सिंगर ने बताया किस्सा

सिंगर जसपिंदर नरूला ने फिल्म जुदाई के गाने मुझे एक पल चैन ना आए से बॉलीवुड में पहचान बनाई थी। हाल ही में सिंगर ने बताया कि गाने के रिकॉर्डिंग के दौरान ही मोना कपूर को श्रीदेवी और बोनी कपूर के रिश्ते के बारे में पता चला था, जिसके बाद वह स्टूडियो के बाहर रो रही थीं। इस फिल्म में श्रीदेवी, अनिल कपूर और उर्मिला मातोंडकर नजर आए थे। फिल्म को बोनी कपूर ने प्रोड्यूस किया था। हाल ही में बॉलीवुड ठिकाना को दिए इंटरव्यू में जसपिंदर नरूला ने बताया कि बाद में जब उनकी दोस्ती बोनी कपूर की पहली पत्नी मोना कपूर से हुई, तब उन्हें उस दौर की कई बातें पता चलीं। उन्होंने कहा कि मोना कपूर ने उन्हें बताया था कि जब वह स्टूडियो में गाना रिकॉर्ड कर रही थीं, उसी समय उनकी जिंदगी में बड़ा बदलाव चल रहा था। जसपिंदर ने बताया, ‘मोना कपूर ने मुझसे कहा था कि तुम अंदर गाना गा रही थीं और मैं सुपर साउंड स्टूडियो की सीढ़ियों पर बैठकर रो रही थी। उसी समय मुझे सब कुछ पता चला था।’ सिंगर ने कहा कि बाद में उन्हें एहसास हुआ कि उस गाने के शब्दों का मतलब उस घटना से जुड़ गया था। बोनी कपूर और मोना कपूर के दो बच्चे अर्जुन कपूर और अंशुला कपूर हैं। मोना कपूर का 2012 में कैंसर के कारण निधन हो गया था। वहीं बोनी और श्रीदेवी की दो बेटियां जाह्नवी कपूर और खुशी कपूर हैं। श्रीदेवी का 2018 में दुबई में निधन हो गया था। ‘जुदाई’ के गाने की रिकॉर्डिंग का किस्सा जसपिंदर नरूला ने बताया कि उन्हें गाने की स्थिति समझाते हुए कहा गया था कि यह गाना श्रीदेवी पर फिल्माया जाएगा। फिल्म में उनका रोल पैसे के लिए अपने पति की दूसरी शादी करवाता है। उन्होंने यह भी बताया कि रिकॉर्डिंग के दौरान उनके कान में दिक्कत थी। एक कान पूरी तरह बंद था, फिर भी उन्होंने मुश्किल से यह गाना रिकॉर्ड किया। सिंगर ने गायक हरिहरन का जिक्र करते हुए कहा कि उन्होंने उनकी तारीफ की थी। जसपिंदर के मुताबिक, हरिहरन ने उनसे कहा था कि उन्हें इंडस्ट्री में पहले आ जाना चाहिए था।
'स्टूडियो के बाहर बैठकर रो रही थीं मोना कपूर':फिल्म ‘जुदाई’ के दौरान बोनी कपूर-श्रीदेवी के रिश्ते का पता चला, सिंगर ने बताया किस्सा

सिंगर जसपिंदर नरूला ने फिल्म जुदाई के गाने मुझे एक पल चैन ना आए से बॉलीवुड में पहचान बनाई थी। हाल ही में सिंगर ने बताया कि गाने के रिकॉर्डिंग के दौरान ही मोना कपूर को श्रीदेवी और बोनी कपूर के रिश्ते के बारे में पता चला था, जिसके बाद वह स्टूडियो के बाहर रो रही थीं। इस फिल्म में श्रीदेवी, अनिल कपूर और उर्मिला मातोंडकर नजर आए थे। फिल्म को बोनी कपूर ने प्रोड्यूस किया था। हाल ही में बॉलीवुड ठिकाना को दिए इंटरव्यू में जसपिंदर नरूला ने बताया कि बाद में जब उनकी दोस्ती बोनी कपूर की पहली पत्नी मोना कपूर से हुई, तब उन्हें उस दौर की कई बातें पता चलीं। जसपिंदर ने बताया, ‘मोना कपूर ने मुझसे कहा था कि तुम अंदर गाना गा रही थीं और मैं सुपर साउंड स्टूडियो की सीढ़ियों पर बैठकर रो रही थी। उसी समय मुझे सब कुछ पता चला था।’ बोनी कपूर और मोना कपूर के दो बच्चे अर्जुन कपूर और अंशुला कपूर हैं। मोना कपूर का 2012 में कैंसर के कारण निधन हो गया था। वहीं बोनी और श्रीदेवी की दो बेटियां जाह्नवी कपूर और खुशी कपूर हैं। श्रीदेवी का 2018 में दुबई में निधन हो गया था। ‘जुदाई’ के गाने की रिकॉर्डिंग का किस्सा जसपिंदर नरूला ने बताया कि उन्हें गाने की स्थिति समझाते हुए कहा गया था कि यह गाना श्रीदेवी पर फिल्माया जाएगा। फिल्म में उनका रोल पैसे के लिए अपने पति की दूसरी शादी करवाता है। उन्होंने यह भी बताया कि रिकॉर्डिंग के दौरान उनके कान में दिक्कत थी। एक कान पूरी तरह बंद था, फिर भी उन्होंने मुश्किल से यह गाना रिकॉर्ड किया। सिंगर ने गायक हरिहरन का जिक्र करते हुए कहा कि उन्होंने उनकी तारीफ की थी। जसपिंदर के मुताबिक, हरिहरन ने उनसे कहा था कि उन्हें इंडस्ट्री में पहले आ जाना चाहिए था।
टीवीके प्रमुख विजय ने पेश किया सरकार बनाने का दावा, ‘थलापति’ के पास 121 सौदे का समर्थन

तमिलनाडु में नई सरकार के गठन पर छाए असमंजस के बादल अब एक तरह से हट गए हैं। टीवीके प्रमुख विजय ने शुक्रवार (8 मई 2026) को तमिलनाडु के गवर्नर रिपब्लिक अर्लेकर से मुलाकात की और सरकार बनाने का दावा पेश किया। सूत्रों का कहना है विजय के पास बहुमत से बहुमत 121 का समर्थन है। 234 विधानसभा वाले टेम्पलेट में सरकार बनाने के लिए बहुमत का जादुई पात्र 118 है। विजय की गवर्नर से ये तीसरी मुलाकात है. इससे पहले जब वो गवर्नर से मिले थे तो उनके पास सरकार बनाने के लिए जरूरी बेंचमार्क का समर्थन नहीं था। अधिकारियों के अनुसार, राज्यपाल ने उन्हें आवश्यक सूची की संख्या के साथ आने को कहा था। कल सीएम पद की शपथ विजय टीवीके प्रमुख विजय 9 मई की सुबह 11 बजे नेहरू नेहरू स्टेडियम में सीएम पद की शपथ। विजय ने राज्यपाल राजेंद्र अर्लेकर को अपनी पार्टी के 107 विधायकों के समर्थन पत्र के साथ, कांग्रेस के 5, सीपीएम के 2, सी जुलूस के 2, वीसी के 2, आईयूएमएल के 2, एएमएमके के 1 विधायकों के समर्थन पत्र को शामिल किया है, जो कुल 121 होता है। यानी कि विजय के पास बहुमत से 3 विधायक बहुमत ही हैं. टीवीके एल्बम का हिस्सा वाम दल नहीं होगा तमिलनाडु में शिक्षकों के नेतृत्व वाले गठबंधन में शामिल दोनों शैक्षणिक संस्थानों में सी. व्यापारियों और सीपीएम ने कहा कि पिछले प्रवेश द्वार से प्रवेश के लिए राज्य में भाजपा द्वारा समर्थित निर्णय लिया गया है। हालाँकि, राज्य के अधिकार के मामले में वे (वाम दल) के साथ बने रहेंगे। वाममोर्चा ने घोषणा की है कि वे टीवीके म्यूजिक का हिस्सा नहीं बनेंगे। सी क्रूज़ और सी पीएम दोनों के दो-दो विधायक हैं। उन्होंने मसौदे की चर्चा के बाद अभिनेता से नेता बने विजय की पार्टी को अपना समर्थन देने की घोषणा की. पांचों वाली कांग्रेस ने पहले ही टीवीके को समर्थन दे दिया है। चुनाव आयोग के संस्थापक के अनुसार, पार्टी के संस्थापक विजय को अपने उद्घाटन समारोह में दो चरणों में से एक को शामिल करना होगा। विजय को चेन्नई पेरेम्बूर और तिरुचिरापल्ली पूर्व यात्रा में से एक को सौंपा गया। ये भी पढ़ें: तमिलनाडु में सरकार गठन के लिए नहीं मिला दस्तावेज, सुप्रीम कोर्ट ने दी जानकारी टीवीके, राज्यपाल को निर्देश देने की मांग (टैग्सटूट्रांसलेट)ब्रेकिंग न्यूज(टी)एबीपी न्यूज(टी)तमिलनाडु(टी)विजय(टी)वीकेसी(टी)सीपीआई पार्टी(टी)सीपीएम पार्टी(टी)सीपीआई(टी)विजय सीएम न्यूज(टी)2026 चुनाव में वीसीके सीटें(टी)टीवीके नवीनतम समाचार(टी)वीसीके पार्टी तमिलनाडु(टी)टीएन न्यूज(टी)टीवीके सरकार बना रही है(टी)सीपीआई और सीपीएम(टी)तमिलनाडु विजय चुनाव परिणाम(टी)विदुथलाई चिरुथैगल काची(टी)सीपीआई पार्टी तमिलनाडु(टी)कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया(टी)विजय सीएम(टी)निर्मल कुमार टीवीके(टी)सीपीआई तमिलनाडु(टी)टीवीके गठबंधन समाचार(टी)वीसीके समर्थन टीवीके(टी)भारत कम्युनिस्ट पार्टी(टी)सीपीआई एम(टी)टीवीके प्रमुख विजय(टी)टीवीके(टी)तमिलनाडु(टी)विजय थलापति(टी)तमिलनाडु सरकार
अमेरिका-ईरान के हमले में गुजरात का जहाज डूबा:एक भारतीय की मौत, 17 क्रू मेंबर्स को बचाया; दुबई से यमन जा रहा था

ईरान और अमेरिका की नेवी के बीच बीती रात हॉर्मुज स्ट्रेट में हुई फायरिंग की चपेट में गुजरात का एक मालवाहक जहाज डूब गया। यह जहाज गुजरात के द्वारका जिले के सलाया का था। हादसे में जहाज के इंजन रूम में काम कर रहे अल्ताफ तालब केर नाम के भारतीय क्रू की मौत हो गई, जबकि बाकी 17 क्रू को बचा लिया गया। इंडियन सेलिंग वेसल्स एसोसिएशन के जनरल सेक्रेटरी आदम भाई ने भास्कर से बात करते हुए इसकी जानकारी दी। आदम भाई ने दुबई स्थित भारतीय दूतावास को ईमेल भेजकर मदद भी मांगी है। मालवाहक जहाज MSV AL FAIZE NOORE SULEMANI-I दुबई से जनरल कार्गो लेकर यमन के मुकाला बंदरगाह जा रहा था। जहाज पर एक गनमैन समेत कुल 18 क्रू सवार थे। आदम भाई के मुताबिक 7 मई की सुबह करीब एक बजे जहाज हॉर्मुज स्ट्रेट से गुजर रहा था। इसी दौरान ईरान और अमेरिकी नेवी के बीच आमने-सामने फायरिंग शुरू हो गई। क्रॉस फायरिंग में गुजरात का यह जहाज भी चपेट में आ गया। पास से गुजर रहे जहाज ने क्रू को सुरक्षित बाहर निकाला जहाज डूबने के बाद क्रू ने खुद को बचाने की कोशिश शुरू की। उसी समय पास से गुजर रहे दूसरे जहाज MSV प्रेम सागर-I ने मदद की। इस जहाज ने 17 क्रू को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। फायरिंग से जहाज को भारी नुकसान पहुंचा और उसमें पानी भरने लगा। इससे जहाज डूबने लगा। इसी दौरान इंजन रूम में मौजूद अल्ताफ तालब केर गंभीर रूप से घायल हो गए। मौके पर ही उनकी मौत हो गई। बचाए गए सभी क्रू 8 मई की देर शाम सुरक्षित दुबई पोर्ट पहुंच गए। आदम भाई ने इन क्रू का वीडियो भी भास्कर को दिया है। घटना की खबर सलाया पहुंचते ही इलाके और मछुआरा समाज में शोक फैल गया। इंडियन सेलिंग वेसल्स एसोसिएशन ने भारतीय दूतावास से कई मांगें की हैं। एसोसिएशन ने कहा है कि मृतक अल्ताफ तालब केर के शव की अंतिम प्रक्रिया पूरी कराई जाए। डेड बॉडी से जुड़े दस्तावेज, डेथ सर्टिफिकेट और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट लेने में मदद की जाए। साथ ही दुबई पहुंचे 17 क्रू की सुरक्षा सुनिश्चित कर उन्हें भारत वापस लाने की व्यवस्था की जाए। एसोसिएशन ने अंतरराष्ट्रीय समुद्री सीमा में भारतीय जहाजों की सुरक्षा बढ़ाने की भी मांग की है। फिलहाल भारतीय दूतावास इस मामले में सक्रिय है और क्रू को भारत वापस लाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है
अमेरिका-ईरान के हमले में गुजरात का जहाज डूबा:एक भारतीय की मौत, 17 क्रू मेंबर्स को बचाया; दुबई से यमन जा रहा था

ईरान और अमेरिका की नेवी के बीच बीती रात हॉर्मुज स्ट्रेट में हुई फायरिंग की चपेट में गुजरात का एक मालवाहक जहाज डूब गया। यह जहाज गुजरात के द्वारका जिले के सलाया का था। हादसे में जहाज के इंजन रूम में काम कर रहे अल्ताफ तालब केर नाम के भारतीय क्रू की मौत हो गई, जबकि बाकी 17 क्रू को बचा लिया गया। इंडियन सेलिंग वेसल्स एसोसिएशन के जनरल सेक्रेटरी आदम भाई ने भास्कर से बात करते हुए इसकी जानकारी दी। आदम भाई ने दुबई स्थित भारतीय दूतावास को ईमेल भेजकर मदद भी मांगी है। मालवाहक जहाज MSV AL फैज नूरे सुलेमानी-I दुबई से कार्गो लेकर यमन के मुकाला बंदरगाह जा रहा था। जहाज पर एक गनमैन समेत कुल 18 क्रू सवार थे। सेक्रेटरी आदम बोले- फायरिंग के बाद जहाज में पानी भरा आदम भाई के मुताबिक 7 मई की सुबह करीब एक बजे जहाज हॉर्मुज स्ट्रेट से गुजर रहा था। इसी दौरान ईरान और अमेरिकी नेवी के बीच आमने-सामने फायरिंग शुरू हो गई। क्रॉस फायरिंग में गुजरात का यह जहाज भी चपेट में आ गया। फायरिंग से जहाज को भारी नुकसान पहुंचा और उसमें पानी भरने लगा। इससे जहाज डूबने लगा। इसी दौरान इंजन रूम में मौजूद अल्ताफ तालब केर गंभीर रूप से घायल हो गए। मौके पर ही उनकी मौत हो गई। जहाज डूबने के बाद क्रू ने खुद को बचाने की कोशिश शुरू की। उसी समय पास से गुजर रहे दूसरे जहाज MSV प्रेम सागर-I ने मदद की। इस जहाज ने 17 क्रू को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। बचाए गए सभी क्रू 8 मई की देर शाम सुरक्षित दुबई पोर्ट पहुंच गए। आदम भाई ने इन क्रू का वीडियो भी भास्कर को दिया है। घटना की खबर सलाया पहुंचते ही इलाके और मछुआरा समाज में शोक फैल गया। वेसल्स एसोसिएशन ने भारतीय दूतावास से मदद मांगी हादसे के बाद इंडियन सेलिंग वेसल्स एसोसिएशन के जनरल सेक्रेटरी आदम भाई ने तुरंत दुबई स्थित भारतीय दूतावास को ईमेल भेजकर पूरे हादसे की जानकारी दी। उन्होंने इस मामले में तत्काल हस्तक्षेप और मानवीय सहायता की अपील की। एसोसिएशन ने मृतक क्रू अल्ताफ तालब केर के अंतिम संस्कार, डेथ सर्टिफिकेट और दुबई पहुंचे 17 क्रू की सुरक्षित वापसी की मांग की है। एसोसिएशन ने मांग की है कि मृतक अल्ताफ तालब केर के अंतिम संस्कार के लिए जरूरी प्रशासनिक प्रक्रियाएं जल्द पूरी कराई जाएं। साथ ही स्थानीय प्रशासन के साथ मिलकर डेथ सर्टिफिकेट और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट उपलब्ध कराया जाए। फिलहाल क्रू को भारत वापस लाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
तमिलनाडु में राजनीतिक पुनर्गठन: असंभावित गठबंधनों के बीच विजय का उदय | सादा बोलो | न्यूज18

तमिलनाडु में एक आश्चर्यजनक राजनीतिक मोड़ में, विजय की टीवीके ने सरकार बनाने के लिए सीपीआई और सीपीएम सहित पूर्व प्रतिद्वंद्वियों से समर्थन प्राप्त किया है, जिसका लक्ष्य भाजपा को दूर रखना है। यह अभूतपूर्व गठबंधन जनादेश और क्षेत्रीय राजनीति के भविष्य पर सवाल उठाता है। मोबाइल ऐप – https://onelink.to/desc-youtube आखरी अपडेट: 08 मई, 2026, 18:59 IST (टैग्सटूट्रांसलेट)बीजेपी(टी)चेन्नई समाचार(टी)कांग्रेस(टी)सीपीआई(टी)डीएमके(टी)भारत की राजनीति(टी)तमिल नाडु की राजनीति(टी)टीवीके(टी)विजय
तमिलनाडु में सरकार गठन के लिए कोई दस्तावेज नहीं मिला तो एससी क्षेत्र टीवीके समर्थकों, राज्यपाल को निर्देश देने की मांग

त्वरित पढ़ें दिखाएँ एआई द्वारा उत्पन्न मुख्य बिंदु, न्यूज़ रूम द्वारा सत्यापित तमिलगा वेत्री कज़गम (टीवीके) ने राज्यपाल से सरकार गठन का दस्तावेज मांगा। टीवीके ने 107 बेंचमार्क के समर्थन का दावा किया है। गवर्नर ने बहुमत साबित करने के बाद ही डॉक्टर की बात कही। टीवीके ने 121 बेंचमार्क के समर्थन का पत्र गवर्नर को पद की तैयारी के लिए दिया। तमिलनाडु विधानसभा चुनाव में जीत हासिल करने के बावजूद राज्यपाल की ओर से नई सरकार के गठन के लिए दस्तावेज नहीं मिलने से नाराज थलपति विजय की पार्टी तमिलगा वेत्री कागम (टीवीके) के समर्थकों ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। टीवीके प्रमुखों ने सुप्रीम कोर्ट में एक रिट याचिका दायर की है, जिसमें टीआईएल के गवर्नर राजेंद्र विश्वनाथ अर्लेकर (आरवी अर्लेकर) की तरफ से पार्टी को सरकार बनाने का सुझाव और बैठक की बात कही गई है। सूची में कहा गया है कि तमिलंगा वेत्री कजगम (टीवीके) तमिल विधानसभा चुनाव में राज्य की सबसे बड़ी पार्टी उभर कर सामने आई है, इसलिए उन्हें सरकार बनाने का मौका दिया जाना चाहिए। इसके साथ ही, सर्वोच्च न्यायालय में पद पर नियुक्ति में तमिलनाडु के गवर्नर को अभिनेता की जीत की पार्टी टीवीके को सरकार बनाने के लिए आमंत्रित करने का निर्देश देने की मांग की गई है। गवर्नर को 121 बेंचमार्क का समर्थन पत्र तीनेंगे टीवीके प्रमुख प्रमाण पत्र से मिली जानकारी के अनुसार, तमिलगा वेत्री कजगम (टीवीके) के प्रमुख थलापति विजय ने तमिलनाडु में नई सरकार के गठन के लिए 121 बर्चस्व का समर्थन पत्र राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ अर्लेकर को बढ़ावा देने के लिए तैयार किया है। यह भी पढ़ें: शुभेंदु अधिकारी: पिता रहे कैबिनेट मंत्री, खुद की शादी नहीं, कांग्रेस से सीएम की कुर्सी तक का सफर गवर्नर को आवेदन देने वाले पत्र में थलापति विजय की पार्टी टीवी के 107 शामिल कांग्रेस के पांच नेता, कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया-मार्क्सवादी (सीपीआई-एम) के दो विधायक, कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया (सीपीआई) के 2 विधायक, विदुथलाई चिरुथागल लासा (वीसीके) के दो विधायक, इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग (आईयूएमएल) के दो विधायक और अमा मक्कल मुनेत्र कडगाम (एएमएमएल) के एक विधायक के समर्थन की बात कही गई है। तमिलनाडु में सरकार गठन का पूरा विवाद क्या है? असल, तमिलनाडु में 234 विधानसभा सीटों पर चुनाव में अभिनेताओं से राजनेता बने जोसेफ विजय (थलापति विजय) की पार्टी तमिलगा वेत्री कज़गम (टीवीके) ने 108 सीटों पर बड़ी जीत हासिल की। हालाँकि, टीवीके प्रमुख विजय दो रेज़्यूमे से चुनाव लड़े थे, ऐसे में यह कुल पात्र 107 हो जाता है, लेकिन टीवीके प्रमुख विजय दो रेज़्यूमे 118 रेज़्यूमे का है। जिससे विजय की टीवीके 11 देवता पीछे थे। जबकि राज्य के गवर्नर आरवी अर्लेकर ने टीवीके प्रमुख को नई सरकार के गठन से पहले बहुमत पेश करने को कहा। यह भी पढ़ें: टीवीके प्रमुख विजय ने किया सरकार बनाने का दावा, ‘थलापति’ के पास 121 के समर्थन का दावा (टैग्सटूट्रांसलेट)तमिलनाडु(टी)सुप्रीम कोर्ट(टी)टीवीके(टी)थलपति विजय(टी)तमिलनाडु सरकार(टी)जोसेफ विजय(टी)गवर्नर आरवी अर्लेकर(टी)तमिलनाडु(टी)सुप्रीम कोर्ट(टी)टीवीके(टी)थलपति विजय(टी)तमिलनाडु सरकार(टी)जोसेफ विजय(टी)राज्यपाल आरवी अर्लेकर
1-2-3-9 समीकरण: सुवेंदु अधिकारी के बंगाल राज्याभिषेक के पीछे ऐतिहासिक संख्याओं का पुनर्निर्माण | भारत समाचार

आखरी अपडेट:08 मई, 2026, 18:39 IST अधिकारी केवल एक नए कार्यालय में कदम नहीं रख रहे हैं; वह ‘प्रथम’, ‘सेकंड’ और एक महत्वपूर्ण ‘नौवें’ की श्रृंखला के माध्यम से इतिहास की किताबों में अपना नाम अंकित कर रहा है। अधिकारी राज्य के इतिहास में पूर्व मेदिनीपुर की राजनीतिक रूप से अस्थिर धरती से आने वाले दूसरे मुख्यमंत्री भी बन गए हैं। फ़ाइल छवि मनोनीत मुख्यमंत्री के रूप में सुवेंदु अधिकारी की आधिकारिक घोषणा ने पश्चिम बंगाल के राजनीतिक हलकों में ऊर्जा का संचार कर दिया है, लेकिन “सोनार बांग्ला” की बयानबाजी से परे, संख्यात्मक मील के पत्थर का एक आकर्षक सेट इस परिवर्तन को परिभाषित कर रहा है। जैसा कि राज्य 9 मई को शपथ ग्रहण समारोह की तैयारी कर रहा है, अधिकारी केवल एक नए कार्यालय में कदम नहीं रख रहे हैं; वह “प्रथम”, “सेकंड”, और एक महत्वपूर्ण “नौवें” की श्रृंखला के माध्यम से इतिहास की किताबों में अपना नाम अंकित कर रहा है। पूर्व में बीजेपी का ऐतिहासिक पहला इस क्रम में सबसे स्पष्ट “नंबर एक” यह है कि सुवेंदु अधिकारी पश्चिम बंगाल के पहले भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के मुख्यमंत्री बनेंगे। एक ऐसी पार्टी के लिए जो कभी राज्य में सीमांत खिलाड़ी थी, 207 सीटें हासिल करना और राइटर्स बिल्डिंग में एक नेता को स्थापित करना कांग्रेस, वाम मोर्चा और तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के लगभग आठ दशकों के वर्चस्व के अंत का प्रतीक है। अधिकारी की पदोन्नति भाजपा के सफल “बंगालीकरण” का प्रतिनिधित्व करती है, जिससे यह साबित होता है कि पार्टी के “असोल पोरीबोर्टन” (वास्तविक परिवर्तन) के संदेश को एक स्थानीय चेहरा मिला है जो राज्य के जटिल सामाजिक-राजनीतिक ताने-बाने को नेविगेट करने में सक्षम है। मेदिनीपुर कनेक्शन और 1967 समानांतर अधिकारी राज्य के इतिहास में पूर्व मेदिनीपुर की राजनीतिक रूप से अस्थिर धरती से आने वाले दूसरे मुख्यमंत्री भी बन गए हैं। वह तमलुक के अनुभवी नेता अजॉय मुखर्जी के नक्शेकदम पर चलते हैं, जिन्होंने 1960 के दशक के अंत में संयुक्त मोर्चा सरकार का नेतृत्व किया था। मुखर्जी की तरह, जो स्थापित व्यवस्था को चुनौती देने के लिए कांग्रेस से अलग हो गए, अधिकारी की यात्रा में एक नए राजनीतिक युग का नेतृत्व करने के लिए अपनी मूल पार्टी से हाई-प्रोफाइल प्रस्थान शामिल है। यह भौगोलिक बदलाव कोलकाता-केंद्रित “भद्रलोक” नेतृत्व से दूर दक्षिण बंगाल के कृषि शक्ति केंद्रों की ओर बढ़ने का संकेत देता है। नंदीग्राम के युद्धक्षेत्र में एक हैट-ट्रिक मनोनीत मुख्यमंत्री के लिए नंबर तीन का व्यक्तिगत महत्व बहुत अधिक है। इस साल की जीत लगातार तीसरी बार है जब अधिकारी ने नंदीग्राम विधानसभा सीट जीती है। नहर वाले निर्वाचन क्षेत्र में उनकी जीत का सिलसिला 2016 में शुरू हुआ, जिसके बाद 2021 में ममता बनर्जी पर उनकी ऐतिहासिक 1,956 वोटों की जीत हुई – एक ऐसा क्षण जिसने यकीनन उनके करियर की दिशा बदल दी। 2026 में तीसरी बार नंदीग्राम को सुरक्षित करके, उन्होंने “भूमिपुत्र” (मिट्टी के पुत्र) के रूप में अपनी प्रतिष्ठा को मजबूत किया है, यह साबित करते हुए कि राज्य स्तर की राजनीति की बदलती हवाओं के बावजूद उनका स्थानीय प्रभाव अटल है। बंगाल के शासन का नौवाँ अध्याय अंततः, “9 ऑन 9” मील का पत्थर राज्य के दीर्घकालिक इतिहास में अपनी जगह पक्की कर देता है। आजादी के बाद सुवेंदु अधिकारी पश्चिम बंगाल के नौवें मुख्यमंत्री होंगे। वह एक विशिष्ट सूची में शामिल हो गए हैं जिसमें प्रफुल्ल चंद्र घोष और बिधान चंद्र रॉय, लंबे समय तक शासन करने वाले ज्योति बसु और उनकी पूर्ववर्ती ममता बनर्जी जैसे संस्थापक लोग शामिल हैं। इस पद पर आसीन होने वाले नौवें व्यक्ति के रूप में, उनकी प्राथमिक चुनौती यह सुनिश्चित करना होगी कि उनका कार्यकाल न केवल उन संख्याओं से परिभाषित हो, जिन्होंने उन्हें सत्ता में लाया, बल्कि विकासात्मक “पोरिबॉर्टन” से भी परिभाषित किया जाए, जिसका उन्होंने बंगाल के लोगों से वादा किया था। चुनी हुई कहानियाँ, आपके इनबॉक्स में हमारी सर्वोत्तम पत्रकारिता वाला एक न्यूज़लेटर जमा करना न्यूज़ इंडिया 1-2-3-9 समीकरण: सुवेन्दु अधिकारी के बंगाल राज्याभिषेक के पीछे ऐतिहासिक संख्याओं का पुनर्निर्माण अस्वीकरण: टिप्पणियाँ उपयोगकर्ताओं के विचार दर्शाती हैं, News18 के नहीं। कृपया चर्चाएँ सम्मानजनक और रचनात्मक रखें। अपमानजनक, मानहानिकारक, या अवैध टिप्पणियाँ हटा दी जाएंगी। News18 अपने विवेक से किसी भी टिप्पणी को अक्षम कर सकता है. पोस्ट करके, आप हमारी उपयोग की शर्तों और गोपनीयता नीति से सहमत होते हैं। और पढ़ें (टैग्सटूट्रांसलेट)बंगाल सीएम की घोषणा(टी)सुवेंदु अधिकारी(टी)पश्चिम बंगाल के सीएम(टी)अमित शाह(टी)बंगाल समाचार(टी)बीजेपी(टी)ममता बनर्जी(टी)पश्चिम बंगाल समाचार(टी)हिंदुत्व(टी)टीएमसी(टी)पश्चिम बंगाल(टी)सुवेंदु अधिकारी समाचार
‘लोकतंत्र का महत्वपूर्ण कर्तव्य’: एमके स्टालिन ने तमिलनाडु के राज्यपाल से सरकार गठन में देरी से बचने का आग्रह किया | भारत समाचार

आखरी अपडेट:08 मई, 2026, 18:28 IST टीवीके तमिलनाडु में सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है, लेकिन सरकार गठन पर सस्पेंस बरकरार है क्योंकि राज्यपाल अर्लेकर ने बहुमत के समर्थन का सबूत मांगा है। तमिलनाडु के निवर्तमान मुख्यमंत्री एमके स्टालिन. अभिनेता से नेता बने विजय की तमिलगा वेट्री कड़गम (टीवीके) और राज्यपाल के बीच चल रहे गतिरोध के बीच, तमिलनाडु के निवर्तमान मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर से राज्य में सरकार गठन के लिए तत्काल कोई कार्रवाई करने और प्रक्रिया में देरी से बचने का आग्रह किया है। हाल के चुनाव में 107 सीटों के साथ टीवीके सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभरने के बावजूद, राज्यपाल ने इसे विधानसभा में बहुमत साबित करने के लिए कहा है, जिससे अन्य दलों ने प्रशासनिक अतिरेक और सार्वजनिक जनादेश का उल्लंघन करने के लिए आलोचना की है। एक्स को संबोधित करते हुए, स्टालिन ने कहा कि तमिलनाडु चुनाव के नतीजे बहुत पहले घोषित हो चुके थे, और मौजूदा डीएमके के नेतृत्व वाली विधानसभा को राज्यपाल ने भंग कर दिया था। उन्होंने लिखा, “ऐसी स्थिति में, यह न केवल समय की मजबूरी है, बल्कि लोकतंत्र का सबसे महत्वपूर्ण कर्तव्य भी है कि विधान सभा के निर्वाचित सदस्यों को अपने पद की शपथ दिलाने और राज्य के कल्याण को आगे बढ़ाने के लिए एक नई सरकार का गठन किया जाना चाहिए।” தமிழ்நாடு சட்டமன்றத் தேர்தல் முடிவுகள் उत्तर, उत्तर और उत्तर देखें उत्तर पुस्तिकाएँ यह एक अच्छा विकल्प है. ஏற்கனவே இருந்த சட்டமன்றத்தையும் கலைத்து उत्तर और उत्तर देखें एक अच्छा विकल्प. मेरे पति, मेरे दोस्त…— एमकेस्टालिन – தமிழ்நாட்டை தலைகுனிய விடமாட்டேன் (@mkstalin) 8 मई 2026 उन्होंने कहा, “इस संदर्भ में, द्रमुक की ओर से, मैं महामहिम राज्यपाल से अनुरोध करता हूं कि सरकार के गठन में किसी भी देरी से बचने के लिए संविधान के अनुसार एक नया प्रशासन बनाने के लिए तत्काल कार्रवाई करें।” तमिलनाडु सरकार का गठन इस बीच, सीपीआई और सीपीआई (एम) द्वारा पार्टी को बिना शर्त समर्थन दिए जाने के बाद टीवीके प्रमुख के आज तीसरी बार राज्यपाल से मिलने की उम्मीद है। दोनों पार्टियों ने औपचारिक गठबंधन से इनकार करते हुए कहा कि वे विजय की पार्टी को बाहरी समर्थन देंगे। विदुथलाई चिरुथिगल काची (वीसीके), जिसके दो विधायक हैं, विजय की टीवीके का समर्थन कर सकते हैं। पार्टी ने कहा है कि वह वाम दलों के फैसले के साथ चलेगी. लाइव अपडेट जांचें इस बीच, तमिलनाडु भाजपा अध्यक्ष नैनार नागेंथ्रान ने कहा कि पार्टी ने विधानसभा चुनाव के फैसले को स्वीकार कर लिया है और सरकार गठन की प्रक्रिया में किसी भी पार्टी का समर्थन या वोट नहीं करेगी, उन्होंने कहा कि भाजपा लोगों के जनादेश का सम्मान करती है। हाल ही में तमिलनाडु चुनाव में जीती गई दो सीटों में से एक को खाली करने के बाद, विजय को विधानसभा में बहुमत साबित करने के लिए 117 सदस्यों के समर्थन की आवश्यकता है। संभावना है कि वह राज्यपाल को अपनी पार्टी का बहुमत साबित करने के लिए 118 सदस्यों की सूची उपलब्ध कराएंगे। टीवीके के प्रभावशाली प्रदर्शन ने उन अफवाहों को हवा दे दी है कि तमिलनाडु में पहली बार अकल्पनीय हो सकता है, द्रविड़ प्रतिद्वंद्वियों द्रमुक और अन्नाद्रमुक के बीच उसे सत्ता में आने से रोकने के लिए गठबंधन। अन्नाद्रमुक ने संकेत दिया कि अगर राज्यपाल फिर से टीवीके को सरकार बनाने की अनुमति नहीं देते हैं तो निर्णय लिया जाएगा। चुनी हुई कहानियाँ, आपके इनबॉक्स में हमारी सर्वोत्तम पत्रकारिता वाला एक न्यूज़लेटर जमा करना न्यूज़ इंडिया ‘लोकतंत्र का महत्वपूर्ण कर्तव्य’: एमके स्टालिन ने तमिलनाडु के राज्यपाल से सरकार गठन में देरी से बचने का आग्रह किया अस्वीकरण: टिप्पणियाँ उपयोगकर्ताओं के विचार दर्शाती हैं, News18 के नहीं। कृपया चर्चाएँ सम्मानजनक और रचनात्मक रखें। अपमानजनक, मानहानिकारक, या अवैध टिप्पणियाँ हटा दी जाएंगी। News18 अपने विवेक से किसी भी टिप्पणी को अक्षम कर सकता है. पोस्ट करके, आप हमारी उपयोग की शर्तों और गोपनीयता नीति से सहमत होते हैं। और पढ़ें (टैग्सटूट्रांसलेट)तमिलनाडु सरकार का गठन(टी)एमके स्टालिन(टी)तमिलनाडु के राज्यपाल(टी)राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर(टी)तमिलगा वेट्री कड़गम(टी)टीवीके बहुमत(टी)डीएमके पार्टी(टी)विधानसभा गतिरोध





