Wednesday, 23 Sep 2026 | 03:54 AM

Trending :

हरियाणवी प्लेयर कॉमनवेल्थ मेडलिस्टों संग KBC पहुंचीं, ₹12.5 लाख जीते:गोल्ड मेडलिस्ट शर्मिला की कहानी सुन भावुक हुए अमिताभ; धनखड़ का बिना लाइफलाइन सटीक जवाब

हरियाणवी प्लेयर कॉमनवेल्थ मेडलिस्टों संग KBC पहुंचीं, ₹12.5 लाख जीते:गोल्ड मेडलिस्ट शर्मिला की कहानी सुन भावुक हुए अमिताभ; धनखड़ का बिना लाइफलाइन सटीक जवाब

कॉमनवेल्थ गोल्ड मेडलिस्ट शर्मिला धनखड़ अपनी फैमिली के साथ कौन बनेगा करोड़पति (KBC) के शो में पहुंचीं। उनके साथ लवलीना बोरगोहेन, झंडू कुमार और अस्मिता डे ने भी शो में हिस्सा लिया। हॉट सीट पर बैठकर इन खिलाड़ियों ने साढ़े 12 लाख भी जीते। एक-एक कर अभिताभ बच्चन ने चारों खिलाड़ियों की कहानी सुनी। हरियाणा के महेंद्रगढ़ की शर्मिला की कहानी सुनकर बिग-बी भावुक हो गए। उन्होंने शर्मिला की बड़ी बेटी से भी बात की। शो में उन्होंने बिना लाइफ लाइन लिए एक सवाल का जवाब भी दिया। अन्य खिलाड़ियों ने 11 सवालों के जवाब दिए। 13वें सवाल पर पहुंचते ही टाइम ओवर का हूटर बज गया। इस एपिसोड की शूटिंग 11 अगस्त को मुंबई में हुई थी, जिसका प्रसारण सोमवार रात हुआ। शर्मिला का बिना लाइफ लाइन सटीक जवाब शो में शर्मिला की कहानी सुनकर अमिताभ बच्चन भावुक हो गए। उन्होंने कहा, लोगों को केवल खेल की मेहनत दिखाई देती है लेकिन इसके पीछे की कहानी पता नहीं होती। इसके बाद बिग-बी ने शर्मिला की बड़ी बेटी अनुज से भी बात की। अनुज ने कहा, मां के मेडल की वजह से वो आज शो में आ पाई है। अब तक अमिताभ बच्चन को टीवी पर ही देखते थे। शो में शुरुआत 6 सवालों में बॉक्सर लवलीना बोहगोहेन और पैरा पावर लिफ्टर झंडू कुमार ने सवालों के जवाब दिए, सातवें सवाल से शर्मिला और अस्मिता डे हॉट सीट पर आ गई। सवाल किया गया कि सभी 10 महिला टी-20 वर्ड कप खेलने वाली खिलाड़ी कौन है? शर्मिला ने तुरंत सही जवाब देते हुए हरमनप्रीत कौर का नाम लिया। अमिताभ बच्चन ने उन्हें एक लाइफ लाइन लेने का भी मौका दिया, मगर शर्मिला ने इससे इनकार कर दिया और अपने जवाब पर डटी रहीं। सही जवाब होने पर जब उनसे पूछा गया कि उन्हें इसका उत्तर कैसे पता था, शर्मिला ने कहा- मैं महिलाओं का क्रिकेट मैच देखती हूं। अब जानिए, चारों प्लेयर्स ने अमिताभ को क्या कहानी सुनाई… वो सवाल, जिनके जवाबों से खिलाड़ियों ने साढ़े 12 लाख रुपए जीते.. सवाल (5 हजार रुपए के लिए): इनमें से किसका स्वाद आमतौर पर मीठा होता है? जवाब: ठेकुआ सवाल (10 हजार रुपए के लिए): ट्यूबलाइट, दबंग जैसी फिल्मों में किस अभिनेता ने काम किया है? जवाब: सलमान खान सवाल (15 हजार रुपए के लिए): पानी की बोतल की क्षमता किस इकाई से मापी जाती है ? जवाब: लीटर सवाल (20 हजार रुपए के लिए): पूर्वोतर भारत में कामाख्या के नजदीक सराय घाट पर दो पुल बने हुए हैं? जवाब: ब्रह्मपुत्र सवाल (25 हजार रुपए के लिए): उस शहर के बारे में कौनसा कथन सही है, जहा छत्रपति शिवाजी महाराज हवाई अड्‌डा स्थित है? जवाब: समुंद्र के पास स्थित है। सवाल: मीरा बाई चानू किस खेल में ओलिंपिक मेडलिस्ट हैं। सही उत्तर: वेटलिफ्टिंग सवाल (50 हजार रुपए के लिए): कौन सा शहर राजस्थान में है। जवाब: जोधपुर। सवाल (1 लाख रुपए के लिए): इनमें से कौनसा कथन चित्र में दिखाई गई सभी 4 भाषाओं में सही है। जवाब: सभी दक्षिण भारतीय भाषाएं हैं। सवाल (2 लाख रुपए के लिए): यदि हिंदी में गुरु और अंग्रेजी में टीचर हैं तो जापानी में वही शब्द क्या होगा ? सही उत्तर: सेन्सेई। सवाल (3 लाख रुपए के लिए): किसी खेल और उससे जुड़ी संस्कृति की इनमें से कौन सी जोड़ी गलत हैं ? जवाब: सैम्बो मलेशियाई। सवाल (5 लाख रुपए के लिए): इन चित्र का उल्लेख उस राज्य के नाम में है, जिसकी राजधानी शिलोंग है। सही उत्तर: मेघालय…ऑडियंस पोल का प्रयोग किया। सुपर संदूक खेल राउंड हुआ…90 सेकेंड में 10 सवाल, 7 सवाल के सही जवाब देकर फिफ्टी-फिफ्टी लाइफ मिली किस स्थान पर व्यायाम की मशीन होती है जवाब: जिम किस शब्द का अर्थ उम्मीद है। जवाब: आशा किस उपकरण से बाण मारा जाता है ? जवाब: धनुष कौन सा जानवर बड़ी बिल्ली है? जवाब: बाघ भारतीय स्वतंत्रता दिवस किस महीने में मनाया जाता है? जवाब: अगस्त कौन सा खेल बड़े मैदान पर खेला जाता है? जवाब: फुटबाल। किस फिल्म में अक्षय खन्ना ने रहमान डकैत की भूमिका निभाई? जवाब: नहीं दिया। इनमें से क्या तेलंगाना के लिए वाहन पंजीकरण कोड है ? जवाब: TG किस रियासत पर निजाम का शासन था? जवाब: नहीं दिया। इनमें से कौन सा शहर उत्तर प्रदेश में नहीं है ? जवाब नहीं दे पाई। सवाल: (साढ़े 7 लाख रुपए के लिए): ICC महिला टी-20 विश्व कप के सभी 10 संस्करणों में एकमात्र भारतीय कौन हैं? जवाब: हरमनप्रीत कौर सवाल: (साढ़े 12 लाख रुपए के लिए): 1887 में महात्मा गांधी से किस विश्वविद्यालय से दसवीं कक्षा पास की थी? जवाब: बॉम्बे विश्वविद्यालय सवाल: एलिस्टेयर मैककॉ इन दोनों पुस्तक शीर्षकों को कौन सा शब्द पूरा करेगा ? जवाब: चैंपियन इसके बाद टाइम ओवर का हूटर बज गया और गेम ओवर हो गया। ग्राफिक्स में इन खिलाड़ियों के बारे में जानिए:- ————– यह खबर भी पढ़ें… 2022 कॉमनवेल्थ के बाद गेम्स छोड़ना चाहती थीं शर्मिला धनखड़:मां ने कहा-अपने हिस्से की जमीन बेच दूंगी; पति ने फोकस के लिए दुकान छोड़ी कॉमनवेलथ गेम्स 2026 के महिला पैरा शॉट पुट F57 इवेंट में गोल्ड मेडल जीतने वालीं शर्मिला धनखड़ की जिंदगी में एक समय ऐसा भी आया था, जब उन्होंने गेम्स से दूरी बनाने का फैसला कर लिया था। (पूरी खबर पढ़ें)

ट्रम्प ने ओमान पर बमबारी की धमकी दी:कहा- ईरान मुद्दे पर बीच में न आए; IRGC का अमेरिका से बातचीत का दावा खारिज

ट्रम्प ने ओमान पर बमबारी की धमकी दी:कहा- ईरान मुद्दे पर बीच में न आए; IRGC का अमेरिका से बातचीत का दावा खारिज

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने ईरान को लेकर ओमान को बमबारी की धमकी दी है। फॉक्स न्यूज के मुताबिक, ट्रम्प ने कहा कि अगर ओमान अमेरिका और ईरान के बीच चल रही बातचीत में बाधा बना, तो अमेरिका उस पर ‘बमबारी करेगा’। रिपोर्ट के मुताबिक, सोमवार को फोन पर हुई बातचीत में ट्रम्प ने यह धमकी दी। हालांकि, ट्रम्प ने यह नहीं बताया कि ओमान ने ऐसा क्या किया था जिसे वह रुकावट मान रहे हैं। ट्रम्प ने यह भी दावा किया कि अमेरिका का ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) के साथ सीक्रेट बातचीत जारी है। हालांकि, IRGC ने कुछ देर बाद ही ट्रम्प के इस दावे को खारिज कर दिया और कहा कि अमेरिका के साथ उसकी कोई बातचीत नहीं हो रही है। अमेरिका-ईरान की बातचीत में ओमान मध्यस्थ देश ओमान लंबे समय से खुद को इस संघर्ष में तटस्थ देश बताता रहा है। अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत में भी वह मध्यस्थ की भूमिका निभाता रहा है। युद्ध शुरू होने के बाद ईरान की ओर से ओमान पर कई हमले हुए, लेकिन इसके बावजूद दोनों देशों के बीच बातचीत कराने में उसकी भूमिका बनी रही। ट्रम्प का बयान इसलिए भी अहम माना जा रहा है, क्योंकि यह पहली बार है जब उन्होंने मध्यस्थ की भूमिका निभा रहे ओमान को सीधे सैन्य कार्रवाई की धमकी दी है। होर्मुज स्ट्रेट पर टिकी है पूरी बातचीत ओमान इस समय होर्मुज स्ट्रेट को दोबारा खोलने के मुद्दे पर अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत में अहम भूमिका निभा रहा है। युद्ध शुरू होने के बाद से ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट में जहाजों की आवाजाही काफी हद तक रोक रखी है। दुनिया 20% कच्चा तेल और तरलीकृत प्राकृतिक गैस इसी रास्ते से गुजरता है। इसलिए इस समुद्री मार्ग को दोबारा खोलना दोनों देशों के बीच सबसे बड़ा मुद्दा बन गया है। ईरान बोला- जहाजों के रास्ते पर समझ बनी ट्रम्प की धमकी से कुछ घंटे पहले ईरान ने दावा किया था कि होर्मुज स्ट्रेट से जहाजों की आवाजाही को लेकर अमेरिका और ईरान के बीच समझ बन गई है। ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघई ने सोमवार को तेहरान में पत्रकारों से कहा कि दोनों पक्ष जहाजों के आने-जाने के रास्ते पर सहमत हो गए हैं। अब सिर्फ बाकी तकनीकी और प्रशासनिक विवरण तय किए जाने हैं, जिसके बाद संयुक्त बयान जारी किया जाएगा। IRGC ने ट्रम्प के दावे को झूठ बताया ट्रम्प के इस दावे को ईरान की अर्ध-सरकारी न्यूज एजेंसी तस्नीम न्यूज के हवाले से IRGC ने खारिज कर दिया। IRGC के एक प्रवक्ता ने कहा कि उसके अधिकारियों और अमेरिका के बीच किसी तरह की बातचीत नहीं हो रही है। उन्होंने ट्रम्प के बयान को झूठ बताते हुए कहा कि यह युद्ध में हार और निराशा से पैदा हुई उनकी कल्पना है। IRGC ईरान की सबसे प्रभावशाली सैन्य संस्थाओं में से एक है। देश की सुरक्षा, राजनीति और अर्थव्यवस्था में भी उसकी अहम भूमिका मानी जाती है। होर्मुज स्ट्रेट खोलने के बदले मुआवजा चाहता है ईरान ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची इस महीने की शुरुआत में कह चुके हैं कि होर्मुज स्ट्रेट को पूरी तरह खोलने का फैसला इस बात पर निर्भर करेगा कि अमेरिका ईरान को मुआवजा देता है या नहीं। ईरान का आरोप है कि अमेरिका ने दोनों देशों के बीच हुए मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग (MoU) का उल्लंघन किया है। रॉयटर्स ने पहले एक ईरानी अधिकारी के हवाले से बताया था कि ईरान चाहता है कि होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने वाले जहाजों के माल की कीमत का 5 से 7% शुल्क लिया जाए। ट्रम्प बोले- युद्ध खत्म करने की कोई जल्दी नहीं फॉक्स न्यूज से बातचीत में ट्रम्प ने कहा कि उन्हें ईरान के साथ युद्ध खत्म करने की कोई जल्दी नहीं है। उन्होंने ईरान की तुलना अच्छे पोकर खिलाड़ी से करते हुए कहा कि ईरान के लोग अच्छे खिलाड़ी हैं, लेकिन वे मर रहे हैं। ट्रम्प ने कहा कि उनकी कोई समय सीमा तय नहीं है। नवंबर में होने वाले अमेरिकी मध्यावधि चुनावों का भी उनके फैसलों पर कोई असर नहीं पड़ेगा। उन्होंने अमेरिका के हथियारों के भंडार को लेकर उठ रही चिंताओं को भी खारिज करते हुए कहा कि इस्तेमाल किए गए हथियार उसकी कुल सैन्य क्षमता के मुकाबले बहुत कम हैं। अमेरिका-ईरान के बीच 60 दिन का MoU आज खत्म हो रहा अमेरिका और ईरान के बीच 18 जून को हुआ 60 दिन का एमओयू 17 अगस्त को खत्म हो रहा है। इसका मकसद दोनों देशों के बीच बातचीत जारी रखना और स्थायी समझौते तक पहुंचना था। हालांकि, दोनों देशों ने बाद में एक-दूसरे पर फिर हमले शुरू कर दिए और 8 जुलाई को ट्रम्प ने युद्धविराम खत्म होने का ऐलान कर दिया। अब MoU की अवधि पूरी होने के बीच दोनों देशों के बीच बातचीत का सबसे अहम मुद्दा फिर से होर्मुज स्ट्रेट को खोलना बना हुआ है। ट्रम्प ने फिर दोहराया- ईरान को परमाणु हथियार नहीं बनाने देंगे MoU की अवधि खत्म होने से पहले ट्रम्प ने सोशल मीडिया पर कहा कि उनकी सबसे बड़ी प्राथमिकता यही रहेगी कि ईरान किसी भी कीमत पर परमाणु हथियार हासिल न कर सके। यानी एक तरफ अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत जारी है, वहीं दूसरी तरफ ट्रम्प ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर अपना सख्त रुख भी बनाए हुए हैं।

ट्रम्प ने ओमान पर बमबारी की धमकी दी:कहा- ईरान मुद्दे पर बीच में न आए; IRGC का अमेरिका से बातचीत का दावा खारिज

ट्रम्प ने ओमान पर बमबारी की धमकी दी:कहा- ईरान मुद्दे पर बीच में न आए; IRGC का अमेरिका से बातचीत का दावा खारिज

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने ईरान को लेकर ओमान को बमबारी की धमकी दी है। फॉक्स न्यूज के मुताबिक, ट्रम्प ने कहा कि अगर ओमान अमेरिका और ईरान के बीच चल रही बातचीत में बाधा बना, तो अमेरिका उस पर ‘बमबारी करेगा’। रिपोर्ट के मुताबिक, सोमवार को फोन पर हुई बातचीत में ट्रम्प ने यह धमकी दी। हालांकि, ट्रम्प ने यह नहीं बताया कि ओमान ने ऐसा क्या किया था जिसे वह रुकावट मान रहे हैं। ट्रम्प ने यह भी दावा किया कि अमेरिका का ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) के साथ सीक्रेट बातचीत जारी है। हालांकि, IRGC ने कुछ देर बाद ही ट्रम्प के इस दावे को खारिज कर दिया और कहा कि अमेरिका के साथ उसकी कोई बातचीत नहीं हो रही है। अमेरिका-ईरान की बातचीत में ओमान मध्यस्थ देश ओमान लंबे समय से खुद को इस संघर्ष में तटस्थ देश बताता रहा है। अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत में भी वह मध्यस्थ की भूमिका निभाता रहा है। युद्ध शुरू होने के बाद ईरान की ओर से ओमान पर कई हमले हुए, लेकिन इसके बावजूद दोनों देशों के बीच बातचीत कराने में उसकी भूमिका बनी रही। ट्रम्प का बयान इसलिए भी अहम माना जा रहा है, क्योंकि यह पहली बार है जब उन्होंने मध्यस्थ की भूमिका निभा रहे ओमान को सीधे सैन्य कार्रवाई की धमकी दी है। होर्मुज स्ट्रेट पर टिकी है पूरी बातचीत ओमान इस समय होर्मुज स्ट्रेट को दोबारा खोलने के मुद्दे पर अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत में अहम भूमिका निभा रहा है। युद्ध शुरू होने के बाद से ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट में जहाजों की आवाजाही काफी हद तक रोक रखी है। दुनिया 20% कच्चा तेल और तरलीकृत प्राकृतिक गैस इसी रास्ते से गुजरता है। इसलिए इस समुद्री मार्ग को दोबारा खोलना दोनों देशों के बीच सबसे बड़ा मुद्दा बन गया है। ईरान बोला- जहाजों के रास्ते पर समझ बनी ट्रम्प की धमकी से कुछ घंटे पहले ईरान ने दावा किया था कि होर्मुज स्ट्रेट से जहाजों की आवाजाही को लेकर अमेरिका और ईरान के बीच समझ बन गई है। ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघई ने सोमवार को तेहरान में पत्रकारों से कहा कि दोनों पक्ष जहाजों के आने-जाने के रास्ते पर सहमत हो गए हैं। अब सिर्फ बाकी तकनीकी और प्रशासनिक विवरण तय किए जाने हैं, जिसके बाद संयुक्त बयान जारी किया जाएगा। IRGC ने ट्रम्प के दावे को झूठ बताया ट्रम्प के इस दावे को ईरान की अर्ध-सरकारी न्यूज एजेंसी तस्नीम न्यूज के हवाले से IRGC ने खारिज कर दिया। IRGC के एक प्रवक्ता ने कहा कि उसके अधिकारियों और अमेरिका के बीच किसी तरह की बातचीत नहीं हो रही है। उन्होंने ट्रम्प के बयान को झूठ बताते हुए कहा कि यह युद्ध में हार और निराशा से पैदा हुई उनकी कल्पना है। IRGC ईरान की सबसे प्रभावशाली सैन्य संस्थाओं में से एक है। देश की सुरक्षा, राजनीति और अर्थव्यवस्था में भी उसकी अहम भूमिका मानी जाती है। होर्मुज स्ट्रेट खोलने के बदले मुआवजा चाहता है ईरान ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची इस महीने की शुरुआत में कह चुके हैं कि होर्मुज स्ट्रेट को पूरी तरह खोलने का फैसला इस बात पर निर्भर करेगा कि अमेरिका ईरान को मुआवजा देता है या नहीं। ईरान का आरोप है कि अमेरिका ने दोनों देशों के बीच हुए मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग (MoU) का उल्लंघन किया है। रॉयटर्स ने पहले एक ईरानी अधिकारी के हवाले से बताया था कि ईरान चाहता है कि होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने वाले जहाजों के माल की कीमत का 5 से 7% शुल्क लिया जाए। ट्रम्प बोले- युद्ध खत्म करने की कोई जल्दी नहीं फॉक्स न्यूज से बातचीत में ट्रम्प ने कहा कि उन्हें ईरान के साथ युद्ध खत्म करने की कोई जल्दी नहीं है। उन्होंने ईरान की तुलना अच्छे पोकर खिलाड़ी से करते हुए कहा कि ईरान के लोग अच्छे खिलाड़ी हैं, लेकिन वे मर रहे हैं। ट्रम्प ने कहा कि उनकी कोई समय सीमा तय नहीं है। नवंबर में होने वाले अमेरिकी मध्यावधि चुनावों का भी उनके फैसलों पर कोई असर नहीं पड़ेगा। उन्होंने अमेरिका के हथियारों के भंडार को लेकर उठ रही चिंताओं को भी खारिज करते हुए कहा कि इस्तेमाल किए गए हथियार उसकी कुल सैन्य क्षमता के मुकाबले बहुत कम हैं। अमेरिका-ईरान के बीच 60 दिन का MoU आज खत्म हो रहा अमेरिका और ईरान के बीच 18 जून को हुआ 60 दिन का एमओयू 17 अगस्त को खत्म हो रहा है। इसका मकसद दोनों देशों के बीच बातचीत जारी रखना और स्थायी समझौते तक पहुंचना था। हालांकि, दोनों देशों ने बाद में एक-दूसरे पर फिर हमले शुरू कर दिए और 8 जुलाई को ट्रम्प ने युद्धविराम खत्म होने का ऐलान कर दिया। अब MoU की अवधि पूरी होने के बीच दोनों देशों के बीच बातचीत का सबसे अहम मुद्दा फिर से होर्मुज स्ट्रेट को खोलना बना हुआ है। ट्रम्प ने फिर दोहराया- ईरान को परमाणु हथियार नहीं बनाने देंगे MoU की अवधि खत्म होने से पहले ट्रम्प ने सोशल मीडिया पर कहा कि उनकी सबसे बड़ी प्राथमिकता यही रहेगी कि ईरान किसी भी कीमत पर परमाणु हथियार हासिल न कर सके। यानी एक तरफ अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत जारी है, वहीं दूसरी तरफ ट्रम्प ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर अपना सख्त रुख भी बनाए हुए हैं।

नेचिरवान बरजानी कौन हैं, जिनके जरिए हुई अमेरिका-ईरान बातचीत:ट्रम्प IRGC चीफ तक नहीं पहुंच पाए, बरजानी के जरिए हुई सीक्रेट बात

नेचिरवान बरजानी कौन हैं, जिनके जरिए हुई अमेरिका-ईरान बातचीत:ट्रम्प IRGC चीफ तक नहीं पहुंच पाए, बरजानी के जरिए हुई सीक्रेट बात

अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के दौरान मई में दोनों देशों ने बातचीत के लिए एक सीक्रेट चैनल बनाया था। अमेरिकी न्यूज वेबसाइट एक्सियोस के मुताबिक, इस बातचीत में इराक के कुर्दिस्तान क्षेत्र के राष्ट्रपति नेचिरवान बरजानी ने मध्यस्थ की भूमिका निभाई। बरजानी ऐसे नेता हैं, जिन पर अमेरिका और ईरान दोनों भरोसा करते हैं। दरअसल, अमेरिका और ईरान के बीच जंग खत्म करने को लेकर बातचीत शुरू होनी थी। अमेरिका की तरफ से उपराष्ट्रपति जेडी वेंस और ईरान की तरफ से संसद के स्पीकर मोहम्मद बाघेर गालिबाफ और विदेश मंत्री अब्बास अराघची बातचीत का नेतृत्व कर रहे थे। ऐसे में अमेरिकी सरकार यह पता करना चाहती थी कि, ईरान की ओर से बातचीत कर रहे इन दोनों नेताओं को IRGC का समर्थन हासिल है या नहीं। इसके लिए बरजानी ने IRGC कमांडर जनरल अहमद वाहिदी से बात की। IRGC चीफ से संपर्क नहीं कर पा रहा था अमेरिका दरअसल, अमेरिका खुद वाहिदी से संपर्क नहीं कर पा रहा था। ईरान में सिर्फ सरकार की सहमति काफी नहीं होती। परमाणु और सुरक्षा मामलों में IRGC की भी बड़ी भूमिका है। इसलिए ट्रम्प टीम जानना चाहती थी कि, बातचीत में जो वादे किए जा रहे हैं, उन्हें IRGC का भी समर्थन हासिल है या नहीं। अमेरिका को बरजानी की जरूरत क्यों पड़ी नेचिरवान बरजानी इराक के उत्तरी हिस्से में मौजूद कुर्दिस्तान क्षेत्र के राष्ट्रपति हैं। यह इलाका इराक का हिस्सा है, लेकिन यहां की अपनी सरकार, विधानसभा और सुरक्षा बल हैं। यानी कई मामलों में यह अपने फैसले खुद लेता है। इसकी राजधानी एरबिल है। कुर्दिस्तान क्षेत्र लंबे समय से अमेरिका का करीबी सहयोगी रहा है। वहीं, इराक से लगी सीमा होने की वजह से उसके ईरान से भी अच्छे रिश्ते हैं। इसी कारण नेचिरवान बरजानी दोनों देशों के बीच भरोसेमंद नेता माने जाते हैं और कई बार तनाव के दौरान बातचीत कराने की भूमिका निभा चुके हैं। बरजानी के ईरान से पुराने संबंध हैं। ईरान-इराक युद्ध के दौरान उन्होंने ईरान में समय बिताया और तेहरान यूनिवर्सिटी में पढ़ाई की। वह फारसी भाषा बोलते हैं और ईरान के कई बड़े नेताओं से उनके निजी संबंध हैं। इसी वजह से बरजानी दोनों देशों के बीच भरोसेमंद कड़ी बन सके। उन्हें ऐसा नेता माना जाता है, जो बातचीत के जरिए विवाद सुलझाने की कोशिश करता है। तुलसी गबार्ड ने बरजानी से संपर्क किया रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिका की तत्कालीन राष्ट्रीय खुफिया निदेशक तुलसी गबार्ड ने करीब 10 मई को बरजानी से पहली बार संपर्क किया। गबार्ड ने उनसे कहा कि अमेरिका को IRGC चीफ जनरल अहमद वाहिदी से संपर्क करने में उनकी मदद चाहिए। गबार्ड ने बरजानी से कहा कि वह राष्ट्रपति ट्रम्प और उपराष्ट्रपति वेंस की मंजूरी के बाद उनसे बातचीत कर रही हैं। गबार्ड को यह भी पता करना चाहता था कि IRGC की अमेरिका से कोई अलग मांग तो नहीं है। बरजानी की IRGC चीफ से इन्क्रिप्टेड फोन पर बातचीत बरजानी ने गबार्ड की बात मानकर IRGC से संपर्क किया और वाहिदी तक अपना मैसेज पहुंचाया। वाहिदी ने इसके बाद बरजानी से सीधे बातचीत की इच्छा जताई। इसके बाद 14 मई को IRGC के एक अफसर ने राजधानी एरबिल में बरजानी के ऑफिस में मुलाकात की। अफसर ने बरजानी को एक एन्क्रिप्टेड फोन दिया, ताकि वह सुरक्षित तरीके से वाहिदी से बात कर सकें। इसके बाद ही बरजानी और वाहिदी की अमेरिका को लेकर सीधे बातचीत हुई। बरजानी ने वाहिदी से पूछा कि क्या वह ईरान की ओर से बातचीत कर रहे गालिबाफ और अराघची के साथ हैं। वाहिदी ने इसका जवाब हां में दिया था। वाहिदी का मैसेज व्हाइट हाउस तक पहुंचाया बातचीत के बाद बरजानी ने तुलसी गबार्ड से संपर्क किया और वाहिदी का मैसेज उन्हें बताया। इस बातचीत से ट्रम्प सरकार को यह भरोसा मिला कि ईरान की ओर से बातचीत कर रहे गालिबाफ और अराघची को IRGC का समर्थन हासिल है। इसके बाद ट्रम्प सरकार ने बरजानी से एक और मदद मांगी। अमेरिका चाहता था कि वह एरबिल में अमेरिकी और ईरानी डेलिगेशन की गुप्त बातचीत की मेजबानी करें। हालांकि, यह बैठक नहीं हो सकी। ईरान ने इसे ठुकरा दिया था। रिपोर्ट के मुताबिक, ईरानी पक्ष को अपनी सुरक्षा को लेकर चिंता थी।

अमिताभ बच्चन ने ₹21.88 करोड़ में 3-फ्लोर किराए पर दिए:हर महीने ₹33 लाख किराया मिलेगा; न्यूट्रिशन ब्रांड से 5 साल के लिए डील साइन

अमिताभ बच्चन ने ₹21.88 करोड़ में 3-फ्लोर किराए पर दिए:हर महीने ₹33 लाख किराया मिलेगा; न्यूट्रिशन ब्रांड से 5 साल के लिए डील साइन

बॉलीवुड अभिनेता अमिताभ बच्चन ने मुंबई के रियल एस्टेट मार्केट में एक और बड़ी डील की है। उन्होंने मुंबई के अंधेरी वेस्ट इलाके में स्थित ‘सिग्नेचर’ बिल्डिंग में अपने 3 फ्लोर 5 साल के लिए किराए पर दिए हैं। इस प्रॉपर्टी से अमिताभ बच्चन को हर महीने 33 लाख रुपए मिलेंगे। 5 साल की पूरी लीज अवधि के दौरान उन्हें कुल ₹21.88 करोड़ की कमाई होगी। 8,428 वर्ग फीट कारपेट एरिया और 9 गाड़ियों की पार्किंग प्रॉपर्टी डॉक्युमेंट्स के मुताबिक, अमिताभ बच्चन ने यह जगह ‘ट्रूनैटिव’ नाम की एक न्यूट्रिशन कंपनी को किराए पर दी है। इस कंपनी को इस्तेमाल के लिए करीब 8428 वर्ग फीट जगह मिली है। इसके साथ ही, कंपनी के लोगों के लिए बिल्डिंग में 9 गाड़ियां खड़ी करने की खास पार्किंग भी अलग से दी गई है। नियम और शर्तें: इस रेंट एग्रीमेंट पर सरकारी मुहर 7 अगस्त को लगी थी, लेकिन कंपनी का किराया 15 अगस्त 2026 से शुरू माना गया है। एग्रीमेंट में यह शर्त भी रखी गई है कि हर साल इस जगह का किराया 5% बढ़ेगा। यानी जैसे-जैसे साल बीतेंगे, अमिताभ बच्चन को मिलने वाला महीने का किराया और ज्यादा होता जाएगा। पिछले साल वॉर्नर म्यूजिक को दिए थे 4 ऑफिस अमिताभ बच्चन के लिए प्रॉपर्टी किराए पर देकर मोटी कमाई करना कोई नई बात नहीं है। इससे पहले साल 2023 में भी उन्होंने मुंबई की लोटस सिग्नेचर बिल्डिंग में अपने 4 ऑफिस वार्नर म्यूजिक प्राइवेट लिमिटेड नाम की एक कंपनी को किराए पर दिए थे। यह डील मार्च 2024 में हुई थी। इस डील से अमिताभ बच्चन को हर महीने ₹17.30 लाख का किराया मिल रहा है। इस सौदे के तहत उस कंपनी को गाड़ियां खड़ी करने के लिए 12 पार्किंग स्पेस भी दिए गए थे। अयोध्या में भी खरीदी ₹35 करोड़ की जमीन मुंबई के अलावा अमिताभ बच्चन ने यूपी के अयोध्या में भी प्रॉपर्टी खरीदी है। इसी साल मार्च में उन्होंने 2.67 एकड़ जमीन 35 करोड़ रुपए में ली है। जिस कंपनी (अभिनंदन लोढ़ा ग्रुप) से उन्होंने यह जमीन खरीदी है, उनका कहना है कि अयोध्या में बिग-बी का यह तीसरा बड़ा निवेश है। कंपनी के मुताबिक, जमीन 75 एकड़ में बन रहे लग्जरी प्रोजेक्ट ‘द सरयू’ के पास और राम मंदिर से सिर्फ 15-20 मिनट की दूरी पर है। कब-कब जमीनें खरीदीं वर्क फ्रंट: कौन बनेगा करोड़पति का 18वां सीजन होस्ट कर रहे फिल्मों और बिजनेस इन्वेस्टमेंट्स के साथ-साथ बिग बी TV स्क्रीन पर भी एक्टिव हैं। 80 पार की उम्र में भी उनका वर्क कमिटमेंट जारी है। इन दिनों वे लोकप्रिय क्विज रियलिटी शो ‘कौन बनेगा करोड़पति’ (KBC) के 18वें सीजन को होस्ट कर रहे हैं। नॉलेज पार्ट: कारपेट एरिया और लीव एंड लाइसेंस एग्रीमेंट क्या है ?

पत्नी से विवाद के बीच थाईलैंड डांस करने पहुंचे गोविंदा:सुनीता का आरोप- बेटी की उम्र की लड़की घुमा रहे; गोविंदा बोले- हद में रहो,

पत्नी से विवाद के बीच थाईलैंड डांस करने पहुंचे गोविंदा:सुनीता का आरोप- बेटी की उम्र की लड़की घुमा रहे; गोविंदा बोले- हद में रहो,

एक्टर गोविंदा इन दिनों अपनी निजी जिंदगी और पत्नी सुनीता आहूजा के साथ चल रहे विवाद को लेकर चर्चा में हैं। इस बीच गोविंदा का एक नया वीडियो सामने आया है, जिसमें वे थाईलैंड के पट्टाया स्थित एक क्लब में डांस करते नजर आ रहे हैं। स्वतंत्रता दिवस के मौके पर आयोजित एक कार्यक्रम में गोविंदा अपने 90 के दशक के हिट गानों पर थिरकते दिखे। ब्लैक एंड व्हाइट सूट पहने गोविंदा बैकग्राउंड डांसर्स के साथ अपने सिग्नेचर स्टेप्स करते दिख रहे हैं। पट्टाया के क्लब में ‘सोनी दे नखरे’ पर दी परफॉर्मेंस क्लब में परफॉर्मेंस के दौरान गोविंदा ब्लैक एंड व्हाइट रंग के फॉर्मल सूट में नजर आए। स्टेज पर उनके साथ बैकग्राउंड डांसर्स की टीम भी मौजूद थी, जो उनके गानों की बीट्स पर ताल मिला रही थी। वायरल हो रहे वीडियो में गोविंदा ने अपनी सुपरहिट फिल्मों के गानों ‘सोनी दे नखरे’ और ‘सोने लगदे’ पर डांस किया। वे स्टेज पर पूरे जोश के साथ अपने पुराने अंदाज में डांस स्टेप्स करते नजर आ रहे हैं। कोमल रानी स्वर्णकार के साथ दिखे थे गोविंदा यह वीडियो ऐसे समय पर सामने आया है जब गोविंदा और उनकी पत्नी सुनीता आहूजा के बीच अनबन की खबरें चल रही हैं। कुछ समय पहले गोविंदा को मुंबई एयरपोर्ट पर अपनी आने वाली फिल्म की डेब्यू एक्ट्रेस कोमल रानी स्वर्णकार के साथ देखा गया था। दोनों का साथ में वीडियो वायरल होने के बाद मीडिया रिपोर्ट्स में उनके अफेयर की अटकलें लगाई जाने लगी थीं। पत्नी बोलीं- बेटी की उम्र की लड़की घुमा रहे एक्ट्रेस के साथ दिखने पर सुनीता ने कहा, गोविंदा अपनी बेटी की उम्र की लड़की को लेकर घूम रहे हैं और उन्हें इस बात पर थोड़ी शर्म आनी चाहिए। सुनीता आहूजा ने गोविंदा साथ दिखीं एक्ट्रेस कोमल के ड्रेसिंग सेंस पर भी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि अगर सामने वाले का शुगर डैडी इतना अमीर है, तो कम से कम कपड़े तो ढंग के पहनने चाहिए। इंसान का अपना एक स्टैंडर्ड होना चाहिए। सुनीता ने खुद का उदाहरण देते हुए कहा कि लोगों को देखना चाहिए कि वे किस तरह स्टाइल के साथ रहते हैं। उन्होंने पूरे वाकये को बहुत खराब और घटिया सोच करार दिया। गोविंदा बोले- हद में रहिए, बदनाम मत कीजिए पत्नी सुनीता के आपत्तिजनक बयानों पर गोविंदा भड़क गए। गोविंदा ने चेतावनी देकर कहा है कि उन्हें हद में रहना चाहिए। साथ ही एक्टर ने को-स्टार का बचाव भी किया और कहा कि सुनीता उन्हें बदनाम करने की कोई कसर नहीं छोड़ रही हैं। हाल ही में गोविंदा ने सुनीता पर कहा- ‘जो काम बाहर मिलता है, वो मैं करता नहीं हूं और जो मैं कर रहा हूं, उसमें आप हस्तक्षेप कर रही हैं। और जब अपना काम आप कर रही थीं, फिर चाहे वो कुकिंग शो (लाफ्टर शेफ) हो या लॉकअप हो, टीना (बेटी) से कहकर मुझे उसमें बुलवाया, मेरी सेवाएं लीं।

पत्नी से विवाद के बीच थाईलैंड डांस करने पहुंचे गोविंदा:सुनीता का आरोप- बेटी की उम्र की लड़की घुमा रहे; गोविंदा बोले- हद में रहो,

पत्नी से विवाद के बीच थाईलैंड डांस करने पहुंचे गोविंदा:सुनीता का आरोप- बेटी की उम्र की लड़की घुमा रहे; गोविंदा बोले- हद में रहो,

एक्टर गोविंदा इन दिनों अपनी निजी जिंदगी और पत्नी सुनीता आहूजा के साथ चल रहे विवाद को लेकर चर्चा में हैं। इस बीच गोविंदा का एक नया वीडियो सामने आया है, जिसमें वे थाईलैंड के पट्टाया स्थित एक क्लब में डांस करते नजर आ रहे हैं। स्वतंत्रता दिवस के मौके पर आयोजित एक कार्यक्रम में गोविंदा अपने 90 के दशक के हिट गानों पर थिरकते दिखे। ब्लैक एंड व्हाइट सूट पहने गोविंदा बैकग्राउंड डांसर्स के साथ अपने सिग्नेचर स्टेप्स करते दिख रहे हैं। पट्टाया के क्लब में ‘सोनी दे नखरे’ पर दी परफॉर्मेंस क्लब में परफॉर्मेंस के दौरान गोविंदा ब्लैक एंड व्हाइट रंग के फॉर्मल सूट में नजर आए। स्टेज पर उनके साथ बैकग्राउंड डांसर्स की टीम भी मौजूद थी, जो उनके गानों की बीट्स पर ताल मिला रही थी। वायरल हो रहे वीडियो में गोविंदा ने अपनी सुपरहिट फिल्मों के गानों ‘सोनी दे नखरे’ और ‘सोने लगदे’ पर डांस किया। वे स्टेज पर पूरे जोश के साथ अपने पुराने अंदाज में डांस स्टेप्स करते नजर आ रहे हैं। कोमल रानी स्वर्णकार के साथ दिखे थे गोविंदा यह वीडियो ऐसे समय पर सामने आया है जब गोविंदा और उनकी पत्नी सुनीता आहूजा के बीच अनबन की खबरें चल रही हैं। कुछ समय पहले गोविंदा को मुंबई एयरपोर्ट पर अपनी आने वाली फिल्म की डेब्यू एक्ट्रेस कोमल रानी स्वर्णकार के साथ देखा गया था। दोनों का साथ में वीडियो वायरल होने के बाद मीडिया रिपोर्ट्स में उनके अफेयर की अटकलें लगाई जाने लगी थीं। पत्नी बोलीं- बेटी की उम्र की लड़की घुमा रहे एक्ट्रेस के साथ दिखने पर सुनीता ने कहा, गोविंदा अपनी बेटी की उम्र की लड़की को लेकर घूम रहे हैं और उन्हें इस बात पर थोड़ी शर्म आनी चाहिए। सुनीता आहूजा ने गोविंदा साथ दिखीं एक्ट्रेस कोमल के ड्रेसिंग सेंस पर भी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि अगर सामने वाले का शुगर डैडी इतना अमीर है, तो कम से कम कपड़े तो ढंग के पहनने चाहिए। इंसान का अपना एक स्टैंडर्ड होना चाहिए। सुनीता ने खुद का उदाहरण देते हुए कहा कि लोगों को देखना चाहिए कि वे किस तरह स्टाइल के साथ रहते हैं। उन्होंने पूरे वाकये को बहुत खराब और घटिया सोच करार दिया। गोविंदा बोले- हद में रहिए, बदनाम मत कीजिए पत्नी सुनीता के आपत्तिजनक बयानों पर गोविंदा भड़क गए। गोविंदा ने चेतावनी देकर कहा है कि उन्हें हद में रहना चाहिए। साथ ही एक्टर ने को-स्टार का बचाव भी किया और कहा कि सुनीता उन्हें बदनाम करने की कोई कसर नहीं छोड़ रही हैं। हाल ही में गोविंदा ने सुनीता पर कहा- ‘जो काम बाहर मिलता है, वो मैं करता नहीं हूं और जो मैं कर रहा हूं, उसमें आप हस्तक्षेप कर रही हैं। और जब अपना काम आप कर रही थीं, फिर चाहे वो कुकिंग शो (लाफ्टर शेफ) हो या लॉकअप हो, टीना (बेटी) से कहकर मुझे उसमें बुलवाया, मेरी सेवाएं लीं।

सोमी अली ने किया गोविंदा का सपोर्ट:सुनीता के आधी उम्र की लड़की के साथ घूमने वाले बयान पर कहा- वो रोजी-रोटी कमाने में लगे हैं

Google Preferred Source CTA

गोविंदा इन दिनों पत्नी सुनीता आहूजा के बयानों से सुर्खियों में हैं। गोविंदा के कम उम्र की को-एक्ट्रेस के साथ दिखने पर सुनीता ने अफेयर का हिंट दिया और कहा कि गोविंदा को बेटी की उम्र की लड़की के साथ घूमने पर शर्म आनी चाहिए। गोविंदा ने भी सुनीता को हद में रहने की चेतावनी दी। अब गोविंदा की पूर्व को-एक्ट्रेस सोमी अली उनके बचाव में उतरी हैं। उनका कहना है कि टैलेंट की कोई उम्र नहीं होती। सोमी अली ने गोविंदा के साथ कुछ पुरानी तस्वीरें शेयर कर बचाव में लिखा है, ‘चिची (गोविंदा) हिंदी फिल्म इंडस्ट्री के सबसे बेहतरीन टैलेंटेड कलाकारों में से एक हैं। अपने इंडस्ट्री के समय में मैंने उन्हें सबसे विनम्र एक्टर्स में से एक पाया है। मेरे मन में चिची और सुनीता, दोनों के लिए बहुत सम्मान है। हालांकि, किसी एक्टर का किसी कम उम्र की एक्ट्रेस के साथ काम करना उम्र को लेकर भेदभाव नहीं है।’ आगे सोमी ने कहा, ‘टैलेंट की कोई उम्र नहीं होती। ऐसे समय में जब किसी कलाकार के लिए काम मिलना मुश्किल हो, तब भी काम करते रहने का फैसला सम्मान के लायक है, मजाक उड़ाने के नहीं। किसी एक्टर की काबिलियत उसकी उम्र या उसके को-स्टार की उम्र से तय नहीं होती। उसकी पहचान उसके टैलेंट, प्रोफेशनल रवैये और लगातार काम करते रहने की इच्छा से होती है। जब किसी कलाकार के लिए इंडस्ट्री के दरवाजे खुलना मुश्किल हो रहा हो और उसे दोबारा काम करने का मौका मिले, तो उस मौके का जश्न मनाना चाहिए।’ आखिर में सोमी ने कहा, ‘सिर्फ इसलिए कि कोई उम्रदराज है, उसकी उम्र को उसके खिलाफ हथियार नहीं बनाया जाना चाहिए, खासकर तब जब वह सिर्फ अपनी रोजी-रोटी कमाने और उस काम को जारी रखने की कोशिश कर रहा हो जिसे वह प्यार करता है। शायद किसी एक्टर की सबसे सराहनीय बात यही होती है कि जब इंडस्ट्री या दूसरे लोग उसे यह कहने लगें कि अब वह बहुत बूढ़ा हो गया है, तब भी वह हार मानने से इनकार करे।’ अफेयर के बयान पर गोविंदा ने सुनीता के लिए कहा- हद में रहो हाल ही में गोविंदा ने सुनीता पर कहा- ‘जो काम बाहर मिलता है, वो मैं करता नहीं हूं और जो मैं कर रहा हूं, उसमें आप (सुनीता) हस्तक्षेप कर रही हैं। जिस वक्त मैंने फिल्म शुरू की है, आप एक भी कसर नहीं छोड़ रही हैं कि मैं लोगों के दिल से उतर जाऊं बदनाम हो जाऊं, या कुछ ऐसा हो जाए कि मेरा बिजनेस न हो।’ गोविंदा ने इस दौरान को-एक्ट्रेस कोमल रानी स्वर्णकर का बचाव करते हुए कहा, ‘कोई गरीब परिवार के लोग अगर फिल्म में आए हैं, तो उन्हें इस तरह बदनाम या लज्जित न कीजिए कि वो भाग जाएं। आप में क्षमता है, ताकत है, इज्जत, दौलत, शोहरत, सब दिया है ऊपर वाले ने। इसका मतलब ये नहीं कि जिसके पास ये नहीं है आप उसे जलील करें। ये आप पर शोभा नहीं देता।’ गोविंदा बोले- हद में रहिए सुनीता बार-बार बयान दे रही हैं कि गोविंदा इस उम्र में बेटी की उम्र की लड़की घुमा रहे हैं और शुगर डैडी बने हैं। इस पर गोविंदा ने कहा है, ‘ये जो उम्र का आपने सिलसिला चलाया है, तो आपको बता दूं कि देश के हर बड़े सुपरस्टार ने कम उम्र की नई लड़कियों के साथ काम किया है, उन्हें बड़ी फिल्में मिलीं। युवाओं के साथ काम करने पर वो युवा नजर आए। आप चाह नहीं रहीं कि मैं युवा कैसे लग सकता हूं। आप छोटी सी अपेक्षा के चलते एक बड़े बिजनेस में घात करने पर लगी हैं। आपके पीछे जो गैंग है, उससे हर कोई वाकिफ है। वो जल्द ही सामने आएगा, लेकिन आपके लिए ये शोभा नहीं देगा। मुझे लगता है कि आगे भी आपको कहीं न कहीं जरूरत पड़ेगी। कृपया ऐसे बयान देकर, जो आप ये पॉडकास्ट चला रही हैं, थोड़ा हद में रहिए, ऐसी आपसे प्रार्थना है।’ बहुत ज्यादा मां-बहन की गालियां देने लगी हैं- गोविंदा गोविंदा ये बयान देकर निकल ही रहे थे कि कुछ सेकेंड बाद वो पलटकर आए और कहा, ‘मैं ये भी कहना चाहूंगा कि सुनीता जी आप बहुत मां-बहन की गालियां देने लगी हैं। ईश्वर को मनाइए कि अगर लोग आपसे प्रेरित हो गए तो आप कहां आइना देखेंगी। कहीं आपके साथ ही लोग मां-बहन की गालियां देना शुरू कर देंगे, तो हम सब बहुत लज्जित हो जाएंगे। ये ठीक नहीं है। बहुत सस्ता कर दिया है मां-बहन का नाम। आपसे उम्मीद नहीं है।’ जानिए सुनीता के किस बयान पर भड़के गोविंदा? हाल ही में गोविंदा को उनकी अपकमिंग कमबैक फिल्म रूपा की को-एक्ट्रेस के साथ स्पॉट किया गया। इस पर सुनीता ने कहा, गोविंदा अपनी बेटी की उम्र की लड़की को लेकर घूम रहे हैं और उन्हें इस बात पर थोड़ी शर्म आनी चाहिए। तुम्हारा शुगर डैडी इतना अमीर है, तो कपड़े ढंग के पहनो- सुनीता सुनीता आहूजा ने गोविंदा साथ दिखीं एक्ट्रेस कोमल के ड्रेसिंग सेंस पर भी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि अगर सामने वाले का शुगर डैडी इतना अमीर है, तो कम से कम कपड़े तो ढंग के पहनने चाहिए। इंसान का अपना एक स्टैंडर्ड होना चाहिए। सुनीता ने खुद का उदाहरण देते हुए कहा कि लोगों को देखना चाहिए कि वे किस तरह स्टाइल के साथ रहते हैं। उन्होंने पूरे वाकये को बहुत खराब और घटिया सोच करार दिया। को-एक्ट्रेस के साथ गोविंदा स्पॉट हुए थे गोविंदा हाल ही में एक्ट्रेस कोमल रानी स्वर्णकार के साथ एयरपोर्ट पर दूसरी बार स्पॉट हुए थे। बता दें कि सुनीता ने कुछ समय पहले ही कहा था कि उन्हें कोमल नाम से नफरत है। सुनीता ने मिस मालिनी को दिए इंटरव्यू में गोविंदा के अफेयर रूमर्स पर बात करते हुए कहा था कि जवानी में गलतियां होती हैं, लेकिन 63 की उम्र में ये सब सुनना ठीक नहीं है। सुनीता ने कहा था, ‘ये नाम थोड़ा गड़बड़ है। मुझे कोमल नाम से नफरत है। एक है कोमल, एक्स वाय जेड है कोई। मुझे उससे नफरत है।’ गोविंदा के साथ बॉलीवुड डेब्यू करने वाली हैं कोमल गोविंदा 7 साल बाद बॉलीवुड कमबैक कर रहे हैं और अपने प्रोडक्शन की इस फिल्म से

रूस का यूक्रेन पर मिसाइल हमला:भारतीय अरबपति लक्ष्मी मित्तल की स्टील कंपनी को निशाना बनाया, 2 की मौत

रूस का यूक्रेन पर मिसाइल हमला:भारतीय अरबपति लक्ष्मी मित्तल की स्टील कंपनी को निशाना बनाया, 2 की मौत

रूस ने शनिवार रात यूक्रेन के क्रिवी रिह शहर में भारतीय अरबपति लक्ष्मी मित्तल की कंपनी आर्सेलरमित्तल के स्टील प्लांट पर मिसाइल हमला किया। हमले में दो लोगों की मौत हो गई और 13 कर्मचारी व ठेकेदार घायल हुए हैं। यह यूक्रेन का सबसे बड़ा स्टील प्लांट है। हमले के बाद प्लांट में प्रोडक्शन का कुछ काम रोकना पड़ा। प्लांट की ऊर्जा व्यवस्था और ब्लास्ट फर्नेस से जुड़े अहम हिस्सों को नुकसान पहुंचा है। हमले के बाद दमकलकर्मी, बचाव दल और मेडिकल टीमें मौके पर पहुंचीं। राहत और बचाव का काम जारी है। प्लांट में क्या बनता है? क्रिवी रिह का आर्सेलरमित्तल प्लांट यूक्रेन का सबसे बड़ा स्टील प्लांट है। यहां स्टील बनाने के लिए बड़े ब्लास्ट फर्नेस और दूसरी उत्पादन इकाइयां हैं। रूस के हमले में इन्हीं उत्पादन से जुड़े कुछ अहम हिस्सों को नुकसान पहुंचा है। इसलिए कंपनी ने प्लांट का कुछ काम अस्थायी रूप से रोक दिया है। 2022 में भी हुआ था हमला इस प्लांट पर रूस पहले भी हमला कर चुका है। 2022 में हुए रूसी मिसाइल हमले में प्लांट की एक रोलिंग मिल नष्ट हो गई थी और एक कर्मचारी की मौत हुई थी। इस बार का हमला ऐसे समय हुआ है, जब रूस और यूक्रेन के बीच युद्ध जारी है और रूसी हमले यूक्रेन के अहम बुनियादी ढांचे को निशाना बना रहे हैं। लक्ष्मी मित्तल की कंपनी यूक्रेन में क्यों अहम है? आर्सेलरमित्तल क्रिवी रिह यूक्रेन की अर्थव्यवस्था के लिए अहम औद्योगिक इकाई है। यह कंपनी दुनिया की बड़ी स्टील कंपनियों में शामिल आर्सेलरमित्तल का हिस्सा है, जिसके चेयरमैन और प्रमुख शेयरधारक भारतीय मूल के उद्योगपति लक्ष्मी निवास मित्तल हैं। प्लांट यूक्रेन के बड़े औद्योगिक शहर क्रिवी रिह में स्थित है। यह शहर यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की का गृहनगर भी है। मित्तल ने 2005 में खरीदा था यूक्रेन का यह स्टील प्लांट यूक्रेन का क्रिवी रिह स्टील प्लांट पहले सरकारी कंपनी के पास था। 2005 में लक्ष्मी मित्तल की कंपनी मित्तल स्टील ने इसे खरीद लिया। इसके बाद मित्तल स्टील का आर्सेलर के साथ विलय हुआ और 2006 में आर्सेलरमित्तल बनी। तब से यह प्लांट इसी कंपनी का हिस्सा है। लक्ष्मी मित्तल भारतीय मूल के बड़े उद्योगपतियों में गिने जाते हैं। उनकी कंपनी आर्सेलरमित्तल दुनिया की बड़ी स्टील कंपनियों में शामिल है और कई देशों में कारोबार करती है।

पाक राष्ट्रपति जरदारी बोले- हम यहां हिंदुओं को झेलते हैं:जावेद अख्तर भड़के, कहा- खुद भुट्टो से शादी कर सुर्खियों में आए; ट्रोलर्स को भी फटकारा

पाक राष्ट्रपति जरदारी बोले- हम यहां हिंदुओं को झेलते हैं:जावेद अख्तर भड़के, कहा- खुद भुट्टो से शादी कर सुर्खियों में आए; ट्रोलर्स को भी फटकारा

भारतीय डायलॉग राइटर और गीतकार जावेद अख्तर ने पाकिस्तान के राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी के उस बयान पर भड़क गए, जिसमें उन्होंने कहा कि वह पाकिस्तान में हिंदुओं को झेलते हैं। जावेद अख्तर ने उनकी आलोचना करते हुए उन्हें संवेदनहीन कहा है। जब कुछ लोग जावेद अख्तर के बयान की निंदा करने लगे, तो उन्होंने एक-एक कर सबको फटकार लगाई है। जरदारी बोले- हम हिंदुओं को झेलते हैं, हम मुस्लिम जरदारी ने पाकिस्तान में हिंदुओं की स्थिति पर बात करते हुए भारत के हिंदुओं से उनकी तुलना की थी। जरदारी ने कहा, “भारतीयों का नजरिया अलग है। उनके दिमाग में अपना एजेंडा है। वे अखंड भारत में विश्वास करते हैं। लेकिन बीच में बहुत कुछ ऐसा है, जिसे वे भूल चुके हैं।” उन्होंने आगे कहा, “हम मुसलमान हैं और वे नहीं हैं। लेकिन हम ऐसे सोच वाले मुसलमान हैं, जो पाकिस्तान में 3-4 फीसदी हिंदू आबादी को सहन करते हैं। वे उतने ही आजाद और अच्छे हैं, जितने कहीं और थे। वे उनके साथ रहने के बजाय हमारे साथ रहना पसंद करेंगे।” इस बयान पर जावेद अख्तर ने ऑफिशियल सोशल मीडिया से लिखा है, “पाकिस्तान के मिस्टर जरदारी, जो बेनजीर भुट्टो से शादी करने के बाद सुर्खियों में आए थे, कहते हैं कि उनके देश में 3-4 प्रतिशत हिंदू आबादी को वे बर्दाश्त करते हैं। मैं समझता हूं, मिस्टर जरदारी, आप हमेशा उन सभी चीजों के प्रति असंवेदनशील रहे हैं, जिनका प्रतिशत 10 प्रतिशत से भी कम है।” जावेद अख्तर ने दबे शब्दों में किया ट्रोल जावेद अख्तर ने अपने बयान में 10 प्रतिशत का जिक्र इसलिए किया, क्योंकि जरदारी को मिस्टर टेन पर्सेंट कहा जाता है। पूर्व पाकिस्तानी प्रधानमंत्री बेनजीर भुट्टो के पति रहे जरदारी को 1980 के दशक के आखिर और 1990 के दशक की शुरुआत में “मिस्टर टेन परसेंट” उपनाम मिला था। उन पर सरकारी परियोजनाओं और कारोबारी सौदों के सिलसिले में 10 फीसदी कमीशन मांगने के आरोप लगे थे। जरदारी ने इन आरोपों से इनकार किया था। 1990 में तत्कालीन राष्ट्रपति गुलाम इशाक खान द्वारा भुट्टो सरकार को बर्खास्त किए जाने के बाद यह उपनाम और ज्यादा चर्चित हुआ। जावेद अख्तर ने ट्रोलर्स को भी लगाई फटकार एक तरफ जहां जावेद अख्तर के बयान की सराहना हो रही है, वहीं एक पाकिस्तानी यूजर ने सवाल उठाते हुए कहा, “क्या आपने कभी भारत में अल्पसंख्यकों के लिए अपनी आवाज उठाई है? नहीं। कड़वी सच्चाई यह है कि भारत में जिंदा रहने के लिए हर गैर-हिंदू को हिंदू अभिजात वर्ग की चापलूसी और उन्हें खुश करने के लिए मजबूर होना पड़ता है। उनके खिलाफ तमाम आरोपों के बावजूद जरदारी एक देश के राष्ट्रपति बन गए। फिर भी आप भारत में और हर जगह एक शून्य ही हैं और शून्य ही बने रहेंगे, चाहे आप उनके तलवे कितनी भी चाटते रहें। आप बेहद शर्मनाक और घटिया इंसान हैं। जावेद अख्तर ने अपने अंदाज में इसका भी जवाब दिया। उन्होंने लिखा, “आपका पहला सवाल मुझे बताता है कि आप मेरे बारे में कितना कम जानते हैं। और आपके आखिरी शब्द बताते हैं कि आपकी ‘क्लास’ क्या है।” जावेद अख्तर ने पहले भी दिए पाक विरोधी बयान नरक और पाकिस्तान में से नरक चुनूंगा: 17 मई 2025 को मुंबई में शिवसेना (यूबीटी) नेता संजय राउत की किताब ‘नरकातला स्वर्ग’ के विमोचन पर जावेद अख्तर ने पाकिस्तान को नरक से बदतर बताते हुए तीखा बयान दिया था। उन्होंने कहा था- ‘अगर पाकिस्तान और नरक में से चुनना हो तो मैं नरक चुनूंगा।’ भारत का विभाजन गलत था, पाकिस्तान हिंदुस्तान से ही निकला: 2023 में लाहौर के फैज फेस्टिवल में जावेद अख्तर ने स्पष्ट कहा कि भारत का विभाजन ऐतिहासिक भूल थी। उन्होंने बताया कि पाकिस्तान हिंदुस्तान का हिस्सा था, जो 1947 में दो देशों में बंट गया। अख्तर ने जोर देकर कहा कि दोनों देशों के लोग मूल रूप से एक ही सांस्कृतिक जड़ों से जुड़े हैं और विभाजन ने अनावश्यक दुश्मनी पैदा की। इस बयान पर पाकिस्तानी दर्शकों ने तालियां बजाईं, लेकिन भारत-पाक मीडिया में विवाद छा गया। पाकिस्तान में सेकुलरिज्म लगभग मर चुका है: भारत-पाक संबंधों पर एक चर्चा में जावेद अख्तर ने पाकिस्तान की सामाजिक स्थिति पर तीखा प्रहार किया। उनका मानना था कि वहां धर्मनिरपेक्षता नाममात्र को रह गई है और कट्टरवाद हावी हो चुका है। पाकिस्तान के कुछ बुद्धिजीवियों ने इसे ओवर-जनरलाइजेशन कहा, लेकिन भारत में ये बयान साहित्यिक सर्कल तक सीमित रहा। जावेद ने उदाहरण देते हुए कहा कि पाकिस्तान में अल्पसंख्यकों की हालत देखकर साफ है कि सेक्युलरिज्म खतरे में है।