हैदराबाद ने अमेरिकी वाणिज्य दूतावास रोड का नाम बदलकर ‘डोनाल्ड ट्रम्प एवेन्यू’ रखा, जो 23 जून को खुलेगा पीतल के ढेर

तेलंगाना, संयुक्त राज्य अमेरिका के साथ राज्य के बढ़ते आर्थिक और राजनयिक संबंधों को प्रदर्शित करने के उद्देश्य से, हैदराबाद के वित्तीय जिले में अमेरिकी वाणिज्य दूतावास से सटी एक सड़क, डोनाल्ड ट्रम्प एवेन्यू का उद्घाटन करने की तैयारी कर रहा है। टाइम्स ऑफ इंडिया की एक रिपोर्ट के अनुसार, एवेन्यू को औपचारिक रूप से 23 जून को खोला जाना है। मुख्यमंत्री ए रेवंत रेड्डी ने पहली बार दिसंबर 2025 में अमेरिकी राष्ट्रपति के नाम पर सड़क का नामकरण करने का प्रस्ताव रखा था। हालांकि, अमेरिकी टैरिफ विवाद और पश्चिम एशिया में संघर्ष सहित वैश्विक अनिश्चितताओं के बीच इस योजना को अस्थायी रूप से स्थगित कर दिया गया था। तनाव कम होने के साथ, राज्य सरकार ने प्रस्ताव को पुनर्जीवित किया है और उद्घाटन के साथ आगे बढ़ रही है। $brasstacks n18oc_politicsn18oc_breaking-newsn18oc_indiaNews18 मोबाइल ऐप – https://onelink.to/desc-youtube आखरी अपडेट: 16 जून, 2026, 19:49 IST (टैग्सटूट्रांसलेट)राजनयिक संबंध(टी)डोनाल्ड ट्रंप(टी)डोनाल्ड ट्रंप एवेन्यू(टी)डोनाल्ड ट्रंप रोड(टी)आर्थिक संबंध(टी)हैदराबाद वित्तीय जिला(टी)हैदराबाद इंफ्रास्ट्रक्चर(टी)हैदराबाद नवीनतम समाचार(टी)हैदराबाद समाचार(टी)भारत अमेरिका संबंध(टी)भारत-अमेरिका संबंध(टी)रेवंत रेड्डी(टी)तेलंगाना विकास(टी)तेलंगाना सरकार(टी)तेलंगाना नवीनतम समाचार(टी)तेलंगाना समाचार(टी)तेलंगाना राजनीति(टी)ट्रम्प एवेन्यू हैदराबाद(टी)ट्रम्प भारत(टी)यूएस वाणिज्य दूतावास हैदराबाद(टी)यूएस&एलटी; भारत
फिल्म 'मैं वापस आऊंगा' को पाकिस्तान से मिली तारीफ:पाकिस्तानी फिल्ममेकर बोले- बंटवारे के दर्द को इम्तियाज अली ने खूबसूरती से दिखाया

भारत-पाकिस्तान बंटवारे के बैकग्राउंड पर बनी डायरेक्टर इम्तियाज अली की फिल्म ‘मैं वापस आऊंगा’ को पकिसातन से भी तारीफ मिली है। चर्चित पाकिस्तानी फिल्ममेकर उमर नासिर अली ने इस फिल्म की जमकर तारीफ करते हुए इसे एक बेहद खूबसूरत और गहरी भावनात्मक फिल्म बताया है। उमर नासिर के मुताबिक, यह फिल्म उनके दिल के बेहद करीब है क्योंकि वे खुद भी इसी विषय के आसपास एक फिल्म बना रहे हैं। इस बीच फिल्म को मिल रहे अच्छे रिस्पॉन्स का असर इसके बॉक्स ऑफिस कलेक्शन पर भी दिख रहा है और फिल्म की कमाई सोमवार को कामकाजी दिन होने के बावजूद बढ़ गई है। इम्तियाज से जैसी उम्मीद थी, वैसा ही पर्दे पर उतरा फीचर फिल्मों और विज्ञापनों के मशहूर पाकिस्तानी डायरेक्टर उमर नासिर अली ने इंस्टाग्राम पर फिल्म को लेकर एक नोट शेयर किया है। उमर नासिर ने बताया कि ‘मैं वापस आऊंगा’ में जिन भावनाओं को दिखाया गया है, वे उनके दिल के काफी करीब हैं। दरअसल, वे खुद भी बंटवारे के बैकग्राउंड पर ‘चोर आए हम’ नाम से एक फिल्म बना रहे हैं। उनकी आगामी फिल्म भी यादों, अपनेपन और वतन वापसी की इसी भावना को दिखाती है। उमर ने कहा कि उन्हें इम्तियाज अली से जैसी उम्मीद थी, उन्होंने बिल्कुल वैसा ही शानदार सिनेमा पर्दे पर उतारा है। नसीर की एक्टिंग को सराहा पाकिस्तानी फिल्ममेकर ने फिल्म के कलाकारों और टेक्निकल टीम के काम की भी प्रशंसा की है। उन्होंने फिल्म में मुख्य भूमिका निभा रहे दिग्गज एक्टर नसीरुद्दीन शाह के अभिनय को असाधारण बताया। इसके साथ ही फिल्म की एडिटर आरती बजाज के काम की तारीफ करते हुए इसे सिनेमाई कहानी कहने का एक मास्टरक्लास कहा। उमर नासिर के मुताबिक, फिल्म निर्माण सीख रहे नए लोगों को इस फिल्म की एडिटिंग से बहुत कुछ सीखने को मिल सकता है। उन्होंने कहा कि यह फिल्म खत्म होने के बाद भी दर्शकों के दिमाग में लंबे समय तक बनी रहती है। बॉक्स ऑफिस बढ़ी फिल्म की कमाई फिल्म ट्रैक करने वाली वेबसाइट सैकनिल्क के मुताबिक, ‘मैं वापस आऊंगा’ ने सोमवार को अपने ओपनिंग डे यानी शुक्रवार से भी ज्यादा का बिजनेस किया है। फिल्म ने शुक्रवार को 1.15 करोड़ रुपए से शुरुआत की थी, जिसके बाद शनिवार को 1.85 करोड़ और रविवार को 2.50 करोड़ रुपए कमाए। वहीं सोमवार को फिल्म ने देश भर के 2,139 शोज से 1.25 करोड़ रुपए का कलेक्शन किया। फिल्म का भारत में कुल नेट कलेक्शन 6.75 करोड़ रुपए और ग्रॉस कलेक्शन 8.10 करोड़ रुपए हो गया है। तीन पीढ़ियों के अधूरे सफर की कहानी फिल्म की कहानी तीन पीढ़ियों के भावनात्मक सफर को दिखाती है, जिसमें बंटवारे के जख्मों को एक प्रेम कहानी के साथ पेश किया गया है। कहानी पाकिस्तान के सरगोधा से भारत आए एक सिख परिवार के इर्द-गिर्द घूमती है। बंटवारे के समय युवा कीनू (वेदांग रैना) अपनी प्रेमिका अफसाना (शर्वरी) से अलग हो जाता है। करीब 70 साल बाद, 95 साल के हो चुके कीनू (नसीरुद्दीन शाह)अपने जीवन के आखिरी पड़ाव पर एक आखिरी बार सरगोधा वापस जाना चाहते हैं। इस यात्रा में उनका पोता निरवैर (दिलजीत दोसांझ) उनकी मदद करता है। बॉलीवुड डायरेक्टर्स से भी मिली सराहना पाकिस्तानी डायरेक्टर के अलावा बॉलीवुड फिल्ममेकर जोया अख्तर, अनुराग कश्यप और अनुभव सिन्हा ने भी फिल्म की सराहना की है। जोया अख्तर ने सोशल मीडिया पर पूरी टीम को बधाई दी। अनुभव सिन्हा ने लिखा कि इम्तियाज की फिल्म का हर फ्रेम उनके कला के प्रति विश्वास को दिखाता है। यह फिल्म इम्तियाज अली और दिलजीत दोसांझ की दूसरी फिल्म है, इससे पहले दोनों ‘अमर सिंह चमकीला’ में साथ काम कर चुके हैं। फिल्म का संगीत एआर रहमान ने तैयार किया है और गीत इरशाद कामिल ने लिखे हैं।
फिल्म 'मैं वापस आऊंगा' को पाकिस्तान से मिली तारीफ:पाकिस्तानी फिल्ममेकर बोले- बंटवारे के दर्द को इम्तियाज अली ने खूबसूरती से दिखाया

भारत-पाकिस्तान बंटवारे के बैकग्राउंड पर बनी डायरेक्टर इम्तियाज अली की फिल्म ‘मैं वापस आऊंगा’ को पकिसातन से भी तारीफ मिली है। चर्चित पाकिस्तानी फिल्ममेकर उमर नासिर अली ने इस फिल्म की जमकर तारीफ करते हुए इसे एक बेहद खूबसूरत और गहरी भावनात्मक फिल्म बताया है। उमर नासिर के मुताबिक, यह फिल्म उनके दिल के बेहद करीब है क्योंकि वे खुद भी इसी विषय के आसपास एक फिल्म बना रहे हैं। इस बीच फिल्म को मिल रहे अच्छे रिस्पॉन्स का असर इसके बॉक्स ऑफिस कलेक्शन पर भी दिख रहा है और फिल्म की कमाई सोमवार को कामकाजी दिन होने के बावजूद बढ़ गई है। इम्तियाज से जैसी उम्मीद थी, वैसा ही पर्दे पर उतरा फीचर फिल्मों और विज्ञापनों के मशहूर पाकिस्तानी डायरेक्टर उमर नासिर अली ने इंस्टाग्राम पर फिल्म को लेकर एक नोट शेयर किया है। उमर नासिर ने बताया कि ‘मैं वापस आऊंगा’ में जिन भावनाओं को दिखाया गया है, वे उनके दिल के काफी करीब हैं। दरअसल, वे खुद भी बंटवारे के बैकग्राउंड पर ‘चोर आए हम’ नाम से एक फिल्म बना रहे हैं। उनकी आगामी फिल्म भी यादों, अपनेपन और वतन वापसी की इसी भावना को दिखाती है। उमर ने कहा कि उन्हें इम्तियाज अली से जैसी उम्मीद थी, उन्होंने बिल्कुल वैसा ही शानदार सिनेमा पर्दे पर उतारा है। नसीर की एक्टिंग को सराहा पाकिस्तानी फिल्ममेकर ने फिल्म के कलाकारों और टेक्निकल टीम के काम की भी प्रशंसा की है। उन्होंने फिल्म में मुख्य भूमिका निभा रहे दिग्गज एक्टर नसीरुद्दीन शाह के अभिनय को असाधारण बताया। इसके साथ ही फिल्म की एडिटर आरती बजाज के काम की तारीफ करते हुए इसे सिनेमाई कहानी कहने का एक मास्टरक्लास कहा। उमर नासिर के मुताबिक, फिल्म निर्माण सीख रहे नए लोगों को इस फिल्म की एडिटिंग से बहुत कुछ सीखने को मिल सकता है। उन्होंने कहा कि यह फिल्म खत्म होने के बाद भी दर्शकों के दिमाग में लंबे समय तक बनी रहती है। बॉक्स ऑफिस बढ़ी फिल्म की कमाई फिल्म ट्रैक करने वाली वेबसाइट सैकनिल्क के मुताबिक, ‘मैं वापस आऊंगा’ ने सोमवार को अपने ओपनिंग डे यानी शुक्रवार से भी ज्यादा का बिजनेस किया है। फिल्म ने शुक्रवार को 1.15 करोड़ रुपए से शुरुआत की थी, जिसके बाद शनिवार को 1.85 करोड़ और रविवार को 2.50 करोड़ रुपए कमाए। वहीं सोमवार को फिल्म ने देश भर के 2,139 शोज से 1.25 करोड़ रुपए का कलेक्शन किया। फिल्म का भारत में कुल नेट कलेक्शन 6.75 करोड़ रुपए और ग्रॉस कलेक्शन 8.10 करोड़ रुपए हो गया है। तीन पीढ़ियों के अधूरे सफर की कहानी फिल्म की कहानी तीन पीढ़ियों के भावनात्मक सफर को दिखाती है, जिसमें बंटवारे के जख्मों को एक प्रेम कहानी के साथ पेश किया गया है। कहानी पाकिस्तान के सरगोधा से भारत आए एक सिख परिवार के इर्द-गिर्द घूमती है। बंटवारे के समय युवा कीनू (वेदांग रैना) अपनी प्रेमिका अफसाना (शर्वरी) से अलग हो जाता है। करीब 70 साल बाद, 95 साल के हो चुके कीनू (नसीरुद्दीन शाह)अपने जीवन के आखिरी पड़ाव पर एक आखिरी बार सरगोधा वापस जाना चाहते हैं। इस यात्रा में उनका पोता निरवैर (दिलजीत दोसांझ) उनकी मदद करता है। बॉलीवुड डायरेक्टर्स से भी मिली सराहना पाकिस्तानी डायरेक्टर के अलावा बॉलीवुड फिल्ममेकर जोया अख्तर, अनुराग कश्यप और अनुभव सिन्हा ने भी फिल्म की सराहना की है। जोया अख्तर ने सोशल मीडिया पर पूरी टीम को बधाई दी। अनुभव सिन्हा ने लिखा कि इम्तियाज की फिल्म का हर फ्रेम उनके कला के प्रति विश्वास को दिखाता है। यह फिल्म इम्तियाज अली और दिलजीत दोसांझ की दूसरी फिल्म है, इससे पहले दोनों ‘अमर सिंह चमकीला’ में साथ काम कर चुके हैं। फिल्म का संगीत एआर रहमान ने तैयार किया है और गीत इरशाद कामिल ने लिखे हैं।
NSE ने 11 नए सेक्टोरल इंडेक्स लॉन्च किए:निफ्टी पावर, रिटेल और हॉस्पिटल्स भी शामिल; अब कुल 34 इंडेक्स से इकोनॉमी ट्रैक करना होगा आसान

नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) की इंडेक्स सर्विसेज कंपनी NSE इंडाइसेज लिमिटेड ने बाजार में 11 नए सेक्टोरल इंडेक्स लॉन्च किए हैं। इस कदम से अब निफ्टी के तहत कुल सेक्टोरल इंडेक्स की संख्या बढ़कर 34 हो गई है, जिससे भारत की इकोनॉमी के अलग-अलग सेक्टर्स को ज्यादा सटीकता से ट्रैक किया जा सकेगा। इंवेस्टर्स को मिलेंगे ज्यादा ऑप्शंस सेक्टोरल इंवेस्टिंग का बढ़ रहा क्रेज यह लॉन्चिंग ऐसे समय में हुई है जब भारत की आर्थिक ग्रोथ से जुड़े थीम्स पर फोकस करने वाले इंवेस्टर्स के बीच सेक्टोरल इंवेस्टिंग (किसी खास सेक्टर में निवेश) को लेकर दिलचस्पी लगातार बढ़ रही है। एक्सचेंज-ट्रेडेड फंड्स (ETFs) और इंडेक्स फंड्स जैसे पैसिव प्रोडक्ट्स के जरिए अब ज्यादा से ज्यादा सेक्टर्स निवेश के लिए उपलब्ध हैं। इसी बदलती मांग को पूरा करने के लिए बेंचमार्क प्रोवाइडर्स लगातार अपने प्रोडक्ट्स बढ़ा रहे हैं। इकोनॉमी की ज्यादा सटीक कवरेज NSE इंडाइसेज के मुताबिक, इस नए कदम का उद्देश्य भारतीय अर्थव्यवस्था की ज्यादा गहरी और सटीक (ग्रैनुलर) कवरेज देना है। कंपनी ने बताया कि इन नए इंडेक्स की मदद से स्थापित और तेजी से उभरते हुए दोनों ही तरह के सेक्टर्स को बेहतर तरीके से पेश किया जा सकेगा, जिससे देश की इकोनॉमी में सेक्टोरल रिप्रजेंटेशन मजबूत होगा। पैसिव इंवेस्टमेंट को मिलेगी मजबूती स्टॉक एक्सचेंज का मानना है कि ये नए बेंचमार्क देश में लगातार बढ़ रहे पैसिव इंवेस्टमेंट इकोसिस्टम में एक बड़ा रोल निभा सकते हैं। आमतौर पर सेक्टोरल इंडेक्स ही ETFs, इंडेक्स फंड्स और स्ट्रक्चर्ड प्रोडक्ट्स का आधार बनते हैं। इसकी मदद से इंवेस्टर्स को अलग-अलग कंपनियों के शेयर चुनने की जगह एक खास इंडस्ट्री में सीधे निवेश करने का मौका मिलता है। एसेट मैनेजर्स के लिए ये नए इंडेक्स आने वाले समय में रेफरेंस इंडेक्स के रूप में काम करेंगे। क्या है NSE इंडाइसेज लिमिटेड? NSE इंडाइसेज को पहले ‘इंडिया इंडेक्स सर्विसेज एंड प्रोडक्ट्स लिमिटेड (IISL) के नाम से जाना जाता था। यह NSE की ही सहायक कंपनी है, जो निफ्टी 50 समेत पूरी निफ्टी फैमिली के इंडेक्स का मैनेजमेंट संभालती है। कंपनी के पास इक्विटी, फिक्स्ड-इनकम, थीमैटिक और कस्टमाइज्ड इंडेक्स की एक बड़ी रेंज है, जिसका इस्तेमाल भारत और विदेशों के फंड मैनेजर्स द्वारा बड़े पैमाने पर किया जाता है। क्या होते हैं सेक्टोरल इंडेक्स और ETFs?
अंबानी परिवार ने रिहाना को गिफ्ट किया डायमंड ब्रेसलेट:कीमत करीब 2.2 करोड़ रुपए; वीडियो में दिखाया, बोलीं- यह मुझे अंबानी से मिला है

पॉप स्टार रिहाना को मुकेश अंबानी परिवार एक डायमंड टेनिस ब्रेसलेट गिफ्ट किया है। इसकी कीमत करीब 2.2 करोड़ रुपए बताई जा रही है। रिहाना ने सोशल मीडिया पर सामने आए एक वीडियो में इस ब्रेसलेट को दिखाया और साफ किया कि यह उन्हें भारत में अंबानी परिवार से मिला है। रिहाना अप्रैल में अपने ब्यूटी ब्रांड के सिलसिले में मुंबई आई थीं, जहां उन्होंने एंटीलिया में अंबानी परिवार से मुलाकात की थी। इंस्टाग्राम वीडियो में दिखाया डायमंड ब्रेसलेट सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम पर ‘द पीपुल गैलरी’ नाम के पेज ने एक वीडियो शेयर किया है। इस वीडियो में रिहाना अपने रोज के पहनावे और फैशन के बारे में बात कर रही हैं। उन्होंने डबल डेनिम आउटफिट पहना हुआ है और हाथ में सेलीन ब्रांड का बैग लिया है। वीडियो में रिहाना ने अपने हाथ को कैमरे के सामने आगे बढ़ाते हुए कलाई पर पहने डायमंड टेनिस ब्रेसलेट को दिखाया। उन्होंने ब्रेसलेट की तरफ इशारा करते हुए कहा, “यह भारत में अंबानी परिवार से मिला है।” ज्वेलरी एक्सपर्ट ने बताई ब्रेसलेट की कीमत रिहाना के इस वीडियो के सामने आने के बाद मशहूर ज्वेलरी एक्सपर्ट प्रियांशु गोयल ने इस ब्रेसलेट की बारीकियों को शेयर किया। उन्होंने अपने इंस्टाग्राम पेज पर बताया कि इस डायमंड ज्वेलरी की कीमत करीब 2.2 करोड़ रुपए है। गोयल के मुताबिक, यह ब्रेसलेट टेनिस ब्रेसलेट डिजाइन का एक बेहतरीन उदाहरण है जो अपनी सादगी और सुंदरता के लिए जाना जाता है। बिना ग्लैम टीम के खुद किया मेकअप इस वीडियो में रिहाना का एक और अंदाज लोगों को पसंद आ रहा है। उन्होंने बताया कि वीडियो में दिखने वाला उनका हेयर स्टाइल और मेकअप किसी एक्सपर्ट टीम ने नहीं किया है। रिहाना ने अपने खुद के ब्रांड ‘फेंटी ब्यूटी’ के प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल करके यह मेकअप खुद किया है। इसके लिए उन्होंने किसी भी ग्लैम टीम की मदद नहीं ली। फैंस उनके इस साधारण और शांत अंदाज को पसंद कर रहे हैं। अंबानी के घर भी पहुंची थीं रिहाना रिहाना हाल ही में अपने ब्यूटी ब्रांड के एक प्रमोशनल इवेंट के सिलसिले में मुंबई आई थीं। यहां उन्होंने एक पॉप-अप स्टोर लॉन्च और एक प्राइवेट इवेंट में हिस्सा लिया। रिहाना प्राइवेट जेट से मुंबई पहुंचीं। इस दौरान वे रविवार को मुकेश अंबानी के घर ‘एंटीलिया’ भी गईं। अंबानी परिवार ने रिहाना का स्वागत बिल्कुल देसी अंदाज में किया। रिहाना ने परिवार के साथ खास लंच किया और घर के सदस्यों के साथ डांस करती भी नजर आईं। 2024 में पहली बार आई थीं भारत यह रिहाना का भारत का दूसरा दौरा था। इससे पहले वे साल 2024 में एक बड़ी शादी (अंबानी प्री-वेडिंग) में परफॉर्म करने के लिए जामनगर आई थीं। उस वक्त उन्होंने अपने पहले भारतीय परफॉर्मेंस से काफी सुर्खियां बटोरी थीं। उस दौरान रिहाना ने वादा किया था कि वे जल्द ही दोबारा भारत आएंगी और उन्होंने अपना यह वादा पूरा भी किया। जामनगर प्री-वेडिंग में दी थी परफॉर्मेंस रिहाना का अंबानी परिवार से पुराना जुड़ाव रहा है। इससे पहले साल 2024 में वे अनंत अंबानी और राधिका मर्चेंट के प्री-वेडिंग फंक्शंस में शामिल होने के लिए गुजरात के जामनगर आई थीं। उस समय उनकी लाइव परफॉर्मेंस ने पूरी दुनिया का ध्यान खींचा था। जामनगर के स्टेज पर उन्होंने अपने मशहूर गाने ‘वर्क’, ‘वाइल्ड थॉट्स’ और ‘पोर इट अप’ गाए थे। परफॉर्मेंस के बाद अंबानी परिवार ने स्टेज पर आकर रिहाना को गले लगाया था और तस्वीरें खिंचवाई थीं।
ब्रेकिंग न्यूज़ |नागपुर में धर्मांतरण विवाद छिड़ा, वीएचपी ने मामलों में बढ़ोतरी पर जताई चिंता | न्यूज18

नागपुर में एक परेशान करने वाले मामले से उस समय आक्रोश फैल गया जब एक 24 वर्षीय महिला, जो कथित तौर पर एक रक्षा कर्मी की पत्नी है, ने आरोप लगाया कि उसके पेय में नशीला पदार्थ मिला कर उसका यौन उत्पीड़न किया गया। कथित तौर पर यह घटना वीडियो में कैद हो गई, जिससे दो गिरफ्तारियां हुईं, जबकि पुलिस इस मामले से कथित तौर पर जुड़े एक मौलाना की तलाश जारी रखे हुए है। विहिप ने धर्मांतरण से संबंधित मामलों में बढ़ोतरी पर चिंता जताई है और ऐसे अपराधों की कथित प्रवृत्ति की निंदा की है। यह मामला महिलाओं की सुरक्षा, कथित जबरदस्ती, आपराधिक जवाबदेही और संभावित धर्मांतरण लिंक की जांच पर गंभीर सवाल उठाता है। n18oc_ Indian18oc_politicsn18oc_breaking-newsNews18 मोबाइल ऐप – https://onelink.to/desc-youtube आखरी अपडेट: 16 जून, 2026, 16:47 IST (टैग्सटूट्रांसलेट)कथित जबरदस्ती(टी)कथित धर्म परिवर्तन का मामला(टी)ब्रेकिंग न्यूज इंडिया(टी)सीएनएन-न्यूज18(टी)रूपांतरण मामला नागपुर(टी)रूपांतरण के मामले(टी)अपराध समाचार भारत(टी)आपराधिक जांच(टी)रक्षा कर्मी पत्नी(टी)पेय में नशीला पदार्थ(टी)भारत समाचार(टी)ताजा समाचार(टी)महाराष्ट्र समाचार(टी)मौलाना मैनहंट(टी)मौलाना वांटेड(टी)नागपुर हमला मामला(टी)नागपुर मामला(टी)नागपुर पुलिस(टी)नागपुर शॉकर(टी)न्यूज18(टी)धार्मिक रूपांतरण विवाद(टी)यौन उत्पीड़न मामला(टी)दो गिरफ्तार(टी)वीएचपी(टी)विश्व हिंदू परिषद(टी)महिला सुरक्षा
ब्रेकिंग | संजय राउत ने शिवसेना यूबीटी विस्फोट की अफवाहों का खंडन किया, सीएनएन-न्यूज18 से पुष्टि की | न्यूज18

शिवसेना यूबीटी सांसद संजय राउत ने सीएनएन-न्यूज18 को अपनी स्थिति की पुष्टि करते हुए, उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाले गुट के भीतर फूट की अफवाहों का खंडन किया। उनका स्पष्टीकरण संभावित दलबदल, विधायकों के पाला बदलने की खबरों और महाराष्ट्र की राजनीति में ऑपरेशन टाइगर की चर्चा के बीच तीव्र अटकलों के बीच आया है। राउत ने विभाजित कथा को खारिज कर दिया, और जोर देकर कहा कि राजनीतिक हमलों और दलबदल के दावों के बावजूद यूबीटी शिविर बरकरार है। इनकार महाराष्ट्र में चल रहे राजनीतिक नाटक में एक नया मोड़ जोड़ता है, जहां प्रतिद्वंद्वी शिविर संख्या, वफादारी और सार्वजनिक धारणा पर जूझ रहे हैं। n18oc_ Indian18oc_politicsn18oc_breaking-newsNews18 मोबाइल ऐप – https://onelink.to/desc-youtube आखरी अपडेट: 16 जून, 2026, 16:36 IST (टैग्सटूट्रांसलेट)ब्रेकिंग न्यूज इंडिया(टी)सीएनएन-न्यूज18(टी)सीएनएन-न्यूज18 एक्सक्लूसिव(टी)एकनाथ शिंदे(टी)भारतीय राजनीति(टी)महाराष्ट्र राजनीतिक संकट(टी)महाराष्ट्र राजनीति(टी)विधायक दलबदल अफवाहें(टी)न्यूज18(टी)ऑपरेशन टाइगर(टी)राजनीतिक समाचार भारत(टी)संजय राउत(टी)संजय राउत सीएनएन न्यूज18(टी)संजय राउत ने विस्फोट से इनकार किया(टी)शिंदे गुट(टी)शिवसेना विभाजित चर्चा(टी)शिवसेना यूबीटी(टी)शिवसेना यूबीटी विभाजन(टी)यूबीटी(टी)यूबीटी विस्फोट अफवाहें(टी)यूबीटी विधायक(टी)उद्धव खेमा(टी)उद्धव ठाकरे
शिंदे के ‘ऑपरेशन टाइगर’ पर चुप रहने पर शिवसेना यूबीटी ने एमपी में दलबदल की चर्चा को खारिज किया | न्यूज18

महाराष्ट्र की राजनीति में “ऑपरेशन टाइगर” के बारे में अटकलों के जोर पकड़ने के बीच, शिवसेना यूबीटी ने एमपी के संभावित दल-बदल की चर्चा को खारिज कर दिया है। एकनाथ शिंदे ने कथित ऑपरेशन पर चुप्पी बनाए रखी है, जबकि रिपोर्टों से पता चलता है कि राजनीतिक लड़ाई संख्या के आसपास केंद्रित हो सकती है – शिंदे ने कथित तौर पर 6 सांसदों का लक्ष्य रखा है और उद्धव ठाकरे 9 सांसदों को बचाने की कोशिश कर रहे हैं। लेकिन लड़ाई अंकगणित से परे मायने रखती है। यह विवाद शिवसेना की संसदीय ताकत, पार्टी पर उद्धव ठाकरे की पकड़, शिंदे की विस्तार रणनीति, गठबंधन की गणना और महाराष्ट्र में राजनीतिक वैधता की बड़ी लड़ाई पर बड़े सवाल उठाता है। n18oc_ Indian18oc_politicsn18oc_breaking-newsNews18 मोबाइल ऐप – https://onelink.to/desc-youtube आखरी अपडेट: 16 जून, 2026, 16:17 IST (टैग्सटूट्रांसलेट)ब्रेकिंग न्यूज इंडिया(टी)सीएनएन-न्यूज18(टी)एकनाथ शिंदे(टी)इंडिया ब्लॉक(टी)भारतीय राजनीति(टी)ताजा राजनीतिक समाचार(टी)महाराष्ट्र समाचार(टी)महाराष्ट्र राजनीति(टी)एमपी दलबदल(टी)एनडीए(टी)न्यूज18(टी)ऑपरेशन टाइगर(टी)राजनीतिक दलबदल(टी)शिवसेना विभाजन(टी)शिंदे का लक्ष्य 6 एमपीएस(टी)शिंदे गुट(टी)शिंदे ऑपरेशन टाइगर(टी)शिवसेना(टी)शिवसेना एमपी दलबदल(टी)शिवसेना विभाजन(टी)शिवसेना यूबीटी(टी)यूबीटी(टी)यूबीटी एमपीएस(टी)उद्धव गुट(टी)उद्धव ने 9 सांसद बचाये(टी)उद्धव ठाकरे
लेक्चरर-कोच एग्जाम-कल से दर्ज कराएं ऑब्जेक्शन:RPSC ने जारी की थी 7 सब्जेक्ट की मॉडल आंसर-की, 19 जून लास्ट डेट

राजस्थान लोक सेवा आयोग की ओर से लेक्चरर-कोच (माध्यमिक शिक्षा विभाग) परीक्षा-2025 की जारी की गई जनरल अवेयरनेस एंड जनरल साइंस (ग्रुप – बी), पॉलिटिकल साइंस, ज्योग्राफी, बायोलॉजी, संस्कृत, फिजिक्स एवं मैथमैटिक्स की मॉडल आंसर की पर कल से आपत्ति दर्ज करा सकते हैं। आयोग के मुख्य परीक्षा नियंत्रक आशुतोष गुप्ता ने बताया कि यदि किसी अभ्यर्थी को इन मॉडल आंसर-की पर कोई आपत्ति हो तो निर्धारित शुल्क के साथ 17 से 19 जून 2026 को रात्रि 12:00 बजे तक अपनी आपत्ति ऑनलाईन दर्ज करवा सकता है। इस संबंध में विस्तृत सूचना आयोग की वेबसाइट पर उपलब्ध है। बिना प्रमाण आपत्ति पर विचार नहीं मॉडल प्रश्न-पत्र आयोग की वेबसाइट पर उपलब्ध हैं। आपत्तियां केवल इन मॉडल प्रश्न-पत्रों के क्रम के अनुसार ही दर्ज की जा सकती हैं। हर आपत्ति के साथ प्रामाणिक (स्टैंडर्ड और ऑथेंटिक) पुस्तकों से प्रमाण अटैच करना जरूरी है। बिना प्रमाण के आपत्ति पर विचार नहीं किया जाएगा। आपत्ति केवल अभ्यर्थी स्वयं ही दर्ज कर सकते हैं; कोई अन्य व्यक्ति इसमें शामिल नहीं हो सकता। फीस और पेमेंट की प्रोसेस यहां करें कॉन्टेक्ट ऑनलाइन आपत्ति दर्ज करने में किसी प्रकार की तकनीकी कठिनाई होने पर अभ्यर्थी recruitmenthelpdesk@rajasthan.gov.in पर ईमेल से अथवा फोन नम्बर 9352323625 और 7340557555 पर संपर्क कर सकते हैं।
पंजाब चुनाव से एक साल पहले आप को बड़ा झटका, अकाल तख्त ने भगवंत मान के खिलाफ की कार्रवाई | भारत समाचार

आखरी अपडेट:16 जून, 2026, 14:22 IST सिख समुदाय के भीतर संस्था के प्रभाव को देखते हुए, अकाल तख्त का निर्णय 2027 के पंजाब विधानसभा चुनावों से पहले AAP के लिए एक महत्वपूर्ण चुनौती पैदा कर सकता है। अकाल तख्त द्वारा भगवंत मान को ‘गुरु-विरोधी’ घोषित किए जाने से पंजाब में आप को मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। | फ़ाइल छवि: स्रोत आम आदमी पार्टी (आप) को 2027 के विधानसभा चुनावों से पहले पंजाब में एक बड़ा झटका लगा है, जब सिखों की सर्वोच्च लौकिक संस्था अकाल तख्त ने मुख्यमंत्री भगवंत मान को “गुरु-विरोधी” घोषित किया और सिख समुदाय से उनका बहिष्कार करने का आह्वान किया, जिससे चुनाव से एक साल पहले सत्तारूढ़ पार्टी को एक बड़ा झटका लगा। यह निर्णय एक वीडियो को लेकर लंबे समय से चले आ रहे विवाद के बाद आया है, जिसमें कथित तौर पर मान जैसा दिखने वाला एक व्यक्ति सिख गुरुओं की छवियों पर शराब छिड़कता है और गुरुद्वारों में रखी दान पेटी गुरु की गोलक के बारे में आपत्तिजनक टिप्पणी करता है, जहां भक्त स्वेच्छा से धन दान करते हैं। वायरल वीडियो पर विवाद यह विवाद इस साल की शुरुआत में हुआ था जब वीडियो सामने आया था और सिख समुदाय के कुछ वर्गों ने इसकी आलोचना की थी। अकाल तख्त ने 15 जनवरी को मान को तलब किया और क्लिप के संबंध में स्पष्टीकरण मांगा। मुख्यमंत्री ने आरोपों से इनकार किया और कहा कि उनकी टिप्पणियों को संदर्भ से बाहर कर दिया गया है। उन्होंने यह भी दावा किया कि वीडियो कृत्रिम बुद्धिमत्ता का उपयोग करके तैयार किया गया था। हालाँकि, सोमवार को अकाल तख्त ने घोषणा की कि फोरेंसिक जांच से पता चला है कि वीडियो वास्तविक था। फोरेंसिक निष्कर्षों के बाद सिख उच्च पुजारियों, पांच सिंह साहिबों की एक तत्काल बैठक बुलाई गई। निर्णय की घोषणा करते हुए, अकाल तख्त जत्थेदार कुलदीप सिंह गर्गज ने कहा कि मान अपने दावे के समर्थन में सबूत देने में विफल रहे कि वीडियो एआई-जनरेटेड था। गर्गज ने कहा, “हमने मुख्यमंत्री से वीडियो के बारे में पूछा और उन्होंने दावा किया कि यह एआई-जनरेटेड है। हमने उनसे सबूत देने के लिए कहा, लेकिन छह महीने तक कोई जवाब नहीं मिला। हमने तब वीडियो की जांच सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त दो प्रयोगशालाओं से कराई, जिससे पता चला कि वीडियो न तो नकली है और न ही एआई-जनरेटेड है।” अकाल तख्त का फैसला समीक्षा के बाद, अकाल तख्त ने मान को बेअदबी का दोषी ठहराया। गर्गज ने कहा कि सिख समुदाय ने मामले की जांच की और सबूतों पर विचार करने के बाद अपने निष्कर्ष पर पहुंचे। अकाल तख्त के अनुसार, मान ने संस्था के सामने झूठ बोला था और इसलिए उन्हें गुरु दोखी (गुरु-विरोधी) और खालसा पंथ विरोधी (सिख धर्म के खिलाफ) घोषित किया जा रहा था। गर्गज ने कहा, “सिखों को मुख्यमंत्री से कोई उम्मीद नहीं है और गुरु के पंथ और अनुयायियों को उनसे दूर रहना चाहिए।” AAP ने निष्कर्षों पर सवाल उठाए AAP ने फोरेंसिक रिपोर्ट से निकाले गए निष्कर्षों को खारिज कर दिया। पार्टी ने तर्क दिया कि हालांकि परीक्षणों ने यह निर्धारित किया है कि वीडियो कृत्रिम रूप से तैयार नहीं किया गया था, लेकिन उन्होंने यह स्थापित नहीं किया कि फुटेज में देखा गया व्यक्ति वास्तव में भगवंत मान था या नहीं। यह विवाद पिछले महीने पंजाब के निकाय चुनावों में पार्टी के मजबूत प्रदर्शन के बावजूद आया है। हालांकि, अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले अकाल तख्त का फैसला सत्तारूढ़ पार्टी के लिए एक नई चुनौती बनकर उभरा है। राजनीतिक प्रभाव राजनीतिक पर्यवेक्षकों का कहना है कि सिख समुदाय के भीतर संस्था के प्रभाव को देखते हुए, अकाल तख्त का निर्णय 2027 के पंजाब विधानसभा चुनावों से पहले AAP के लिए एक महत्वपूर्ण चुनौती पैदा कर सकता है। सिखों के सर्वोच्च लौकिक प्राधिकारी द्वारा “गुरु-विरोधी” घोषित किए जाने से, विशेषकर ग्रामीण पंजाब में, सिख मतदाताओं को एकजुट करने की पार्टी की क्षमता प्रभावित हो सकती है। यह विवाद मई 2026 के नागरिक चुनावों में आप के जबरदस्त प्रदर्शन के कुछ ही हफ्तों बाद आया है, जिसने विधानसभा चुनाव अभियान के गति पकड़ने से पहले राजनीतिक ताकत के दौर को एक नए संकट में बदल दिया है। इस घटनाक्रम से शिरोमणि अकाली दल (एसएडी) को भी अवसर मिलने की संभावना है, जिसने हाल के वर्षों में जनता का समर्थन हासिल करने के लिए संघर्ष किया है, ताकि वह धार्मिक मुद्दों को सामने लाकर अपनी राजनीतिक किस्मत को पुनर्जीवित कर सके। यह प्रकरण सिख धार्मिक संस्थानों के साथ आप के तनावपूर्ण संबंधों में नवीनतम फ्लैशप्वाइंट को दर्शाता है और शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक समिति (एसजीपीसी) से जुड़े निकायों से जुड़े पिछले टकरावों के बाद है। पूरी पंजाब कैबिनेट बुलाई गई एक अन्य बड़े घटनाक्रम में, अकाल तख्त ने पूरे पंजाब कैबिनेट को 29 जून को अपने सामने पेश होने के लिए बुलाया है। यह समन जगत जोत श्री गुरु ग्रंथ साहिब सत्कार (संशोधन) विधेयक, 2026 के पारित होने से संबंधित है, जो सिख पवित्र ग्रंथ के खिलाफ अपवित्रता के कृत्यों के लिए आजीवन कारावास तक की सजा का प्रावधान करता है। कानून की आलोचना करते हुए गर्गज ने कहा कि पंजाब सरकार ने सिख समुदाय, सिख संस्थानों या शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक समिति (एसजीपीसी) से परामर्श किए बिना काम किया है। उन्होंने कहा, “किसी के लिए भी गुरु की गद्दी को चुनौती देना असहनीय है। हाल ही में, पंजाब सरकार ने सिख समुदाय, संस्थानों या शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक समिति से परामर्श किए बिना एक अधिनियम पेश किया। मुख्यमंत्री भगवंत मान की सरकार ने विधान सभा और राज्यपाल से मंजूरी हासिल करके हठपूर्वक काम किया। यह कानून पंथ के भीतर दरार पैदा करेगा। सरकार के पास पंथ के संबंध में कानून बनाने का कोई अधिकार नहीं है।” विपक्ष ने मान के इस्तीफे की मांग की अकाल तख्त के फैसले के बाद पंजाब कांग्रेस प्रमुख अमरिंदर सिंह राजा वारिंग ने मान के इस्तीफे की मांग की। “श्री अकाल तख्त साहिब द्वारा कथित वीडियो की फोरेंसिक जांच के बाद, भगवंत मान को तनखैया घोषित कर दिया गया है और सिख संगत को उनसे दूर रहने के लिए कहा गया है। इतने गंभीर फैसले के बाद, भगवंत मान ने अपना नैतिक








