भारत-पाकिस्तान बंटवारे के बैकग्राउंड पर बनी डायरेक्टर इम्तियाज अली की फिल्म ‘मैं वापस आऊंगा’ को पकिसातन से भी तारीफ मिली है। चर्चित पाकिस्तानी फिल्ममेकर उमर नासिर अली ने इस फिल्म की जमकर तारीफ करते हुए इसे एक बेहद खूबसूरत और गहरी भावनात्मक फिल्म बताया है। उमर नासिर के मुताबिक, यह फिल्म उनके दिल के बेहद करीब है क्योंकि वे खुद भी इसी विषय के आसपास एक फिल्म बना रहे हैं। इस बीच फिल्म को मिल रहे अच्छे रिस्पॉन्स का असर इसके बॉक्स ऑफिस कलेक्शन पर भी दिख रहा है और फिल्म की कमाई सोमवार को कामकाजी दिन होने के बावजूद बढ़ गई है। इम्तियाज से जैसी उम्मीद थी, वैसा ही पर्दे पर उतरा
फीचर फिल्मों और विज्ञापनों के मशहूर पाकिस्तानी डायरेक्टर उमर नासिर अली ने इंस्टाग्राम पर फिल्म को लेकर एक नोट शेयर किया है। उमर नासिर ने बताया कि ‘मैं वापस आऊंगा’ में जिन भावनाओं को दिखाया गया है, वे उनके दिल के काफी करीब हैं। दरअसल, वे खुद भी बंटवारे के बैकग्राउंड पर ‘चोर आए हम’ नाम से एक फिल्म बना रहे हैं। उनकी आगामी फिल्म भी यादों, अपनेपन और वतन वापसी की इसी भावना को दिखाती है। उमर ने कहा कि उन्हें इम्तियाज अली से जैसी उम्मीद थी, उन्होंने बिल्कुल वैसा ही शानदार सिनेमा पर्दे पर उतारा है। नसीर की एक्टिंग को सराहा
पाकिस्तानी फिल्ममेकर ने फिल्म के कलाकारों और टेक्निकल टीम के काम की भी प्रशंसा की है। उन्होंने फिल्म में मुख्य भूमिका निभा रहे दिग्गज एक्टर नसीरुद्दीन शाह के अभिनय को असाधारण बताया। इसके साथ ही फिल्म की एडिटर आरती बजाज के काम की तारीफ करते हुए इसे सिनेमाई कहानी कहने का एक मास्टरक्लास कहा। उमर नासिर के मुताबिक, फिल्म निर्माण सीख रहे नए लोगों को इस फिल्म की एडिटिंग से बहुत कुछ सीखने को मिल सकता है। उन्होंने कहा कि यह फिल्म खत्म होने के बाद भी दर्शकों के दिमाग में लंबे समय तक बनी रहती है। बॉक्स ऑफिस बढ़ी फिल्म की कमाई
फिल्म ट्रैक करने वाली वेबसाइट सैकनिल्क के मुताबिक, ‘मैं वापस आऊंगा’ ने सोमवार को अपने ओपनिंग डे यानी शुक्रवार से भी ज्यादा का बिजनेस किया है। फिल्म ने शुक्रवार को 1.15 करोड़ रुपए से शुरुआत की थी, जिसके बाद शनिवार को 1.85 करोड़ और रविवार को 2.50 करोड़ रुपए कमाए। वहीं सोमवार को फिल्म ने देश भर के 2,139 शोज से 1.25 करोड़ रुपए का कलेक्शन किया। फिल्म का भारत में कुल नेट कलेक्शन 6.75 करोड़ रुपए और ग्रॉस कलेक्शन 8.10 करोड़ रुपए हो गया है। तीन पीढ़ियों के अधूरे सफर की कहानी
फिल्म की कहानी तीन पीढ़ियों के भावनात्मक सफर को दिखाती है, जिसमें बंटवारे के जख्मों को एक प्रेम कहानी के साथ पेश किया गया है। कहानी पाकिस्तान के सरगोधा से भारत आए एक सिख परिवार के इर्द-गिर्द घूमती है। बंटवारे के समय युवा कीनू (वेदांग रैना) अपनी प्रेमिका अफसाना (शर्वरी) से अलग हो जाता है। करीब 70 साल बाद, 95 साल के हो चुके कीनू (नसीरुद्दीन शाह)अपने जीवन के आखिरी पड़ाव पर एक आखिरी बार सरगोधा वापस जाना चाहते हैं। इस यात्रा में उनका पोता निरवैर (दिलजीत दोसांझ) उनकी मदद करता है। बॉलीवुड डायरेक्टर्स से भी मिली सराहना
पाकिस्तानी डायरेक्टर के अलावा बॉलीवुड फिल्ममेकर जोया अख्तर, अनुराग कश्यप और अनुभव सिन्हा ने भी फिल्म की सराहना की है। जोया अख्तर ने सोशल मीडिया पर पूरी टीम को बधाई दी। अनुभव सिन्हा ने लिखा कि इम्तियाज की फिल्म का हर फ्रेम उनके कला के प्रति विश्वास को दिखाता है। यह फिल्म इम्तियाज अली और दिलजीत दोसांझ की दूसरी फिल्म है, इससे पहले दोनों ‘अमर सिंह चमकीला’ में साथ काम कर चुके हैं। फिल्म का संगीत एआर रहमान ने तैयार किया है और गीत इरशाद कामिल ने लिखे हैं।














































