घर में पड़ी सूखी तुलसी से बनाएं हेल्दी काढ़ा, जानिए आसान तरीका

Last Updated:April 08, 2026, 14:49 IST तुलसी का पौधा लगभग हर घर में होता है, लेकिन उसकी सूखी टहनियों को अक्सर बेकार समझकर फेंक दिया जाता है. जबकि विशेषज्ञों के अनुसार, इन्हीं टहनियों से आसानी से काढ़ा-मसाला तैयार किया जा सकता है, जो चाय का स्वाद बढ़ाने के साथ गले की खराश और कफ में भी राहत दे सकता है. पारंपरिक घरेलू नुस्खों में शामिल यह तरीका न सिर्फ सरल है, बल्कि रोजमर्रा की छोटी स्वास्थ्य समस्याओं में भी काफी उपयोगी साबित हो सकता है. रिपोर्ट- अभिनव कुमार घर-आंगन में तुलसी का पौधा लगभग हर घर में देखा जाता है. इसकी पत्तियां पूजा-पाठ से लेकर चाय तक में उपयोग की जाती हैं, लेकिन सूख जाने के बाद इसकी टहनियों को अक्सर बेकार समझकर फेंक दिया जाता है. जबकि विशेषज्ञों का मानना है कि तुलसी की सूखी टहनियां भी बेहद उपयोगी होती हैं और इन्हें घरेलू काढ़ा-मसाला बनाने में इस्तेमाल किया जा सकता है. तुलसी की सूखी टहनियों से काढ़ा-मसाला तैयार करने का तरीका काफी आसान है. इसके लिए सूखी टहनियों के साथ लौंग, इलायची और तेजपत्ता को हल्का दरदरा पीस लें और इसे किसी साफ-सुथरे डिब्बे में सुरक्षित रख लें. जब भी चाय बनाएं, इसमें एक चम्मच यह मिश्रण मिलाने से चाय का स्वाद बेहतर हो जाता है और यह शरीर को सुकून भी देता है. गले में खराश या कफ की समस्या होने पर इसी मिश्रण को एक चम्मच मात्रा में गर्म पानी में उबालकर छानकर पीने से राहत मिल सकती है. पारंपरिक रूप से तुलसी को श्वसन तंत्र के लिए लाभकारी माना जाता है, वहीं मसालों की गर्म तासीर गले को आराम पहुंचाने में मदद करती है. Add News18 as Preferred Source on Google हालांकि, यह ध्यान रखना जरूरी है कि यह एक घरेलू उपाय है, कोई चिकित्सीय इलाज नहीं. यदि किसी को एलर्जी है, गर्भावस्था है, छोटे बच्चों को देना हो या किसी दवा के साथ इसका सेवन करना हो, तो पहले डॉक्टर की सलाह जरूर लें. साथ ही टहनियों को इस्तेमाल से पहले अच्छी तरह साफ और पूरी तरह सूखा कर ही रखें. किसी भी चीज का अत्यधिक उपयोग नुकसानदायक हो सकता है, इसलिए संतुलन बनाए रखना जरूरी है. तुलसी की महत्ता नई नहीं है. यह उपाय इस बात का उदाहरण है कि रसोई और आंगन में मौजूद सामान्य चीजों का भी सही तरीके से उपयोग किया जाए, तो वे बेहद काम की साबित हो सकती हैं. सूखी टहनियों को फेंकने के बजाय संभालकर रख लें, क्योंकि सर्दी-खांसी के समय यह छोटा सा घरेलू नुस्खा काफी फायदेमंद हो सकता है. दरअसल, बचपन में दादी-नानी द्वारा तुलसी का काढ़ा पिलाने की परंपरा लगभग हर घर में रही है. तुलसी में कई औषधीय गुण पाए जाते हैं, जो स्वास्थ्य के लिए लाभकारी माने जाते हैं और यही कारण है कि यह आज भी घरेलू उपचार का अहम हिस्सा बनी हुई है. First Published : April 08, 2026, 14:49 IST
सलमान खान का सपोर्ट मिलने से खुश हैं राजपाल यादव:कहा- भाईजान का आशीर्वाद साथ है; अवॉर्ड शो में मजाक बनाने पर एक्टर ने दी थी प्रतिक्रिया

अवॉर्ड शो में मजाक उड़ाए जाने के मामले में सलमान खान का सपोर्ट मिलने से राजपाल यादव बेहद खुश हैं। दरअसल, हाल ही में स्क्रीन अवॉर्ड में होस्ट जर्नलिस्ट सौरभ द्विवेदी ने राजपाल यादव के चेक बाउंस केस और उधार पर तंज कसते हुए एक कमेंट किया था, जिसके बाद कई फैंस ने इसे एक्टर का अपमान माना। वीडियो वायरल होने के बाद सलमान खान ने राजपाल के सपोर्ट में पोस्ट की थी। राजपाल यादव मंगलवार रात फिल्ममेकर रामगोपाल वर्मा के बर्थडे में शामिल हुए थे। इस दौरान पैपराजी से बात करते हुए उन्होंने सलमान खान का सपोर्ट मिलने पर खुशी जताते हुए कहा, आज खुश भी बहुत हूं, क्योंकि आज आशीर्वाद साथ में है। आगे राम गोपाल वर्मा का भी आभार व्यक्त करते हुए राजपाल यादव ने कहा, ‘आज यहां राम गोपाल वर्मा सर के बर्थडे में आने का सौभाग्य मिला है। ये हमारी जिंदगी के ऐसे डेयरिंग डायरेक्टर रहे हैं, जिन्होंने मुझे कॉमेडियन बनाया, जिन्होंने मुझे विलेन बनाया, जिन्होंने मुझे मैन लीड बनाया। एक नहीं 17-17 फिल्में आपके डायरेक्शन में करने का मौका मिला।’ सलमान खान ने मजाक बनाए जाने पर किया था सपोर्ट 5 अप्रैल को मुंबई में स्क्रीन अवॉर्ड आयोजित किया गया था।जर्नलिस्ट सौरभ द्विवेदी और कॉमेडियन जाकिर खान ने अवॉर्ड का एक हिस्सा होस्ट किया। इस दौरान राजपाल यादव से बात करते हुए सौरभ द्विवेदी ने उनके चेक बाउंस केस का मजाक उड़ाया। राजपाल यादव माइक पर डॉलर के रेट बढ़ने-घटने और यूथ पर एक बयान दे रहे थे। तभी सौरभ द्विवेदी ने तंज कंसने के अंदाज में कहा, ‘डॉलर का रेट चाहे बढ़े या घटे, आपको उतने ही पैसे लौटाने हैं जितने आपने उधार लिए थे।’ जल्द ही ये वीडियो वायरल हो गया और फैंस राजपाल यादव का मजाक बनाए जाने से नाराज हो गए। इसी बीच सलमान खान ने राजपाल यादव के इस वीडियो पर रिएक्शन दिया। उन्होंने कहा, “राजपाल भाई, आप 30 साल से काम कर रहे हो और हम सबने आपको बार-बार रिपीट किया है क्योंकि आप अपना काम जानते हो और एक वैल्यू लाते हो। हकीकत यह है कि काम तो आपको बहुत मिलेगा और इसी डॉलर रेट पर मिलता रहेगा।” आगे सलमान ने लिखा “ये याद रखना कि कभी-कभी फ्लो में कुछ बातें निकल आती हैं। अगर कुछ देना ही है तो दिमाग में रखो और दिल से काम करो। डॉलर ऊपर हो या नीचे, क्या फर्क पड़ता है, पैसा तो इंडिया में ही देना है।” राजपाल यादव ने सलमान की पोस्ट पर रिप्लाई करते हुए लिखा “सलमान भाई मेरे तीस साल के सफर को सराहने के लिए बहुत बहुत शुक्रिया। आप हमेशा बड़े भाई की तरह रास्ता दिखाते आए हैं, लव यू भाई।” इसके अलावा राजपाल यादव ने एक वीडियो जारी कर फैंस से अपील की कि उनका मजाक उड़ाने वाले सौरभ द्विवेदी की निंदा न की जाए, क्योंकि वो उनके लिए छोटे भाई की तरह हैं। उन्होंने ये भी कहा कि अवॉर्ड शो में सौरभ ने उनके लिए खड़े होकर तालियां बजवाई थीं।
केन-बेतवा परियोजना का काम दूसरे दिन भी ठप:छतरपुर में आदिवासी-किसानों ने बांध स्थल पर किया प्रदर्शन

सूखे बुंदेलखंड की प्यास बुझाने के लिए शुरू की गई केन-बेतवा लिंक परियोजना अब बड़े जनविरोध का केंद्र बन गई है। अपनी मांगों को लेकर दिल्ली जा रहे आदिवासी, किसानों और ग्रामीणों को प्रशासन द्वारा रास्ते में रोके जाने के बाद आंदोलन ने उग्र रूप ले लिया है। इसके चलते 44 हजार करोड़ रुपए की इस महत्वाकांक्षी परियोजना का काम लगातार दूसरे दिन भी ठप रहा। बिजावर अनुविभाग में चल रहे निर्माण कार्य को रोकने के लिए हजारों की संख्या में आदिवासी किसान, महिलाएं और ग्रामीण ढोढन बांध स्थल पर धरने पर बैठ गए हैं। प्रदर्शनकारियों ने काम कर रही मशीनों के सामने खड़े होकर निर्माण कार्य रुकवा दिया। आंदोलन में बड़ी संख्या में महिलाएं भी शामिल हैं, जो हाथों में तख्तियां लेकर “जल, जंगल, जमीन” की लड़ाई का ऐलान कर रही हैं। आंदोलन का नेतृत्व कर रहे समाजसेवी अमित भटनागर ने बताया कि 5 अप्रैल से ही आदिवासी महिलाएं बांध स्थल पर डटी हुई हैं और तभी से निर्माण कार्य पूरी तरह बंद है। उन्होंने आरोप लगाया कि आंदोलनकारियों को दिल्ली जाकर अपनी बात रखने से रोका गया, रास्ते में प्रताड़ित किया गया और उनके द्वारा इकट्ठा किया गया राशन भी छीन लिया गया। भटनागर के अनुसार, “यह अब सिर्फ विरोध नहीं, बल्कि अस्तित्व की लड़ाई है। जब तक हमारी मांगें पूरी नहीं होंगी, तब तक निर्माण कार्य नहीं होने देंगे।” उन्होंने प्रशासन पर झूठे आश्वासन देने और कानूनी प्रक्रियाओं की अनदेखी करने का भी आरोप लगाया। यह विरोध केन नदी पर प्रस्तावित 77 मीटर ऊंचे और 213 किलोमीटर लंबे ढोढन बांध के निर्माण को लेकर हो रहा है। परियोजना के तहत केन और बेतवा नदियों को जोड़ने के लिए 221 किलोमीटर लंबी नहर और 2 किलोमीटर की टनल भी बनाई जानी है। पन्ना नेशनल पार्क के कोर क्षेत्र के पास चल रहे इस निर्माण को लेकर पर्यावरण और विस्थापन के मुद्दे भी उठ रहे हैं। प्रशासन की समझाइश नाकाम, पुलिस बल तैनात.. स्थिति को संभालने के लिए सटई तहसील के तहसीलदार इंद्र कुमार गौतम मौके पर पहुंचे और प्रदर्शनकारियों से बातचीत कर समझाइश देने की कोशिश की, लेकिन आंदोलनकारी नहीं माने। गौतम ने कहा कि प्रशासन लगातार संवाद कर रहा है और जल्द ही समाधान निकालने की कोशिश की जाएगी। फिलहाल बांध स्थल पर भारी पुलिस बल तैनात है, लेकिन प्रदर्शनकारी अपने रुख पर अड़े हुए हैं। उनका साफ कहना है कि जब तक न्याय नहीं मिलेगा, आंदोलन जारी रहेगा। देखें मौके की तस्वीरें
गर्मियों में बिना एसी के भी शरीर रहेगा ठंडा, चना पीसकर बना लें यह देसी ड्रिंक, 2 मिनट में ऐसे करें तैयार

Last Updated:April 08, 2026, 14:03 IST Sattu Drink Health Benefits: सत्तू एक पारंपरिक देसी ड्रिंक है, जो गर्मियों में शरीर के लिए वरदान हो सकता है. यह शरीर को ठंडा रखने और एनर्जी देने में बेहद फायदेमंद है. यह पाचन को बेहतर बनाता है, शरीर को हाइड्रेट रखता है और ताकत बढ़ाने में मदद करता है. इसकी आसान रेसिपी और पोषण गुण इसे गर्मी के लिए एक बेहतरीन ड्रिंक बनाते हैं. गर्मियों में सत्तू पीने से सेहत को गजब के फायदे मिल सकते हैं. Homemade Sattu Drink Recipe: गर्मी में मौसम में अक्सर लोग कोल्ड ड्रिंक पीना पसंद करते हैं, लेकिन इससे सेहत को नुकसान होता है. गर्मी में शरीर को ठंडा और हाइड्रेटेड रखना सबसे बड़ी चुनौती बन जाता है. हर किसी के पास एसी या कूलर की सुविधा नहीं होती. ऐसे में लोग प्राकृतिक और देसी उपायों की ओर रुख करते हैं. इन्हीं में से एक है सत्तू, जो भुने हुए चने को पीसकर बनाया जाता है. यह न सिर्फ शरीर को तुरंत ठंडक देता है, बल्कि एनर्जी का बेहतरीन सोर्स है. ग्रामीण इलाकों से लेकर शहरों तक सत्तू को देसी एनर्जी ड्रिंक के रूप में जाना जाता है. नोएडा के डाइट मंत्रा क्लीनिक की डाइटिशियन कामिनी सिन्हा ने News18 को बताया कि सत्तू मुख्य रूप से भुने हुए चने को पीसकर तैयार किया जाता है. इसकी तासीर ठंडी होती है, इसलिए यह गर्मियों में शरीर का तापमान नियंत्रित रखने में मदद करता है. इसमें प्रोटीन, फाइबर, आयरन और कई जरूरी पोषक तत्व पाए जाते हैं, जो शरीर को अंदर से मजबूत बनाते हैं. सत्तू पीने से शरीर को तुरंत ऊर्जा मिलती है और थकान दूर होती है. यह पाचन तंत्र को मजबूत करता है और कब्ज जैसी समस्याओं से राहत दिलाता है. इसमें मौजूद फाइबर पेट को लंबे समय तक भरा रखता है, जिससे वजन कंट्रोल में भी मदद मिलती है. सेहत, रिलेशनशिप, लाइफ या धर्म-ज्योतिष से जुड़ी है कोई निजी उलझन तो हमें करें WhatsApp, आपका नाम गोपनीय रखकर देंगे जानकारी. सत्तू पीने के फायदे जान लीजिए एक्सपर्ट ने बताया कि सत्तू शरीर को डिहाइड्रेशन से बचाता है और इलेक्ट्रोलाइट बैलेंस बनाए रखने में सहायक होता है. नियमित सेवन से यह शरीर की ताकत बढ़ाता है और नस-नस में एनर्जी भर देता है. सत्तू का सेवन लिवर को डिटॉक्स करने में मदद करता है और शरीर से विषैले तत्व बाहर निकालता है. यह ब्लड प्रेशर को नियंत्रित रखने में भी सहायक माना जाता है. इसमें कम फैट और ज्यादा पोषण होने के कारण यह दिल की सेहत के लिए भी अच्छा होता है. घर पर कैसे तैयार करें सत्तू ड्रिंक सत्तू की ड्रिंक बनाना बहुत आसान है. एक गिलास ठंडे पानी में 2-3 चम्मच सत्तू मिलाएं. इसमें स्वाद के अनुसार नमक, भुना जीरा पाउडर, नींबू का रस और थोड़ा सा काला नमक डालें. चाहें तो इसमें बारीक कटा प्याज और हरी मिर्च भी डाल सकते हैं. इसे अच्छी तरह घोलकर ठंडा-ठंडा पिएं. मीठा पसंद करने वाले लोग इसमें चीनी या गुड़ भी मिला सकते हैं. सत्तू एक सस्ता, आसान और बेहद फायदेमंद पेय है, जो गर्मियों में शरीर को ठंडा रखता है, प्यास बुझाता है और शरीर को पोषण देकर मजबूत भी बनाता है. इसलिए इस गर्मी में महंगे ड्रिंक्स की बजाय सत्तू को अपनी डाइट में शामिल करें. About the Author अमित उपाध्याय अमित उपाध्याय News18 Hindi की लाइफस्टाइल टीम के अनुभवी पत्रकार हैं, जिनके पास प्रिंट और डिजिटल मीडिया में 9 वर्षों से अधिक का अनुभव है। वे हेल्थ, वेलनेस और लाइफस्टाइल से जुड़ी रिसर्च-बेस्ड और डॉक्टर्स के इंटरव्…और पढ़ें First Published : April 08, 2026, 14:03 IST
धुरंधर 2 ने कमाई में बाहुबली 2 को पछाड़ा:अब सिर्फ पुष्पा 2 से पीछे; 200 करोड़ कमा कर भारत में हाईएस्ट ग्रॉसिंग फिल्म बन सकती है

रणवीर सिंह की फिल्म ‘धुरंधर 2’ बॉक्स ऑफिस पर लगातार नए रिकॉर्ड बना रही है। रिलीज के 20 दिनों के भीतर फिल्म ने भारत में 1,033.37 करोड़ रुपए का नेट कलेक्शन कर लिया है। इस आंकड़े के साथ ही फिल्म ने एसएस राजामौली की ‘बाहुबली 2’ के घरेलू नेट कलेक्शन (1,030.42 करोड़) को पीछे छोड़ दिया है। अब जल्द ही यह फिल्म अल्लू अर्जुन की ‘पुष्पा 2’ के ऑल-टाइम रिकॉर्ड को तोड़ कर भारत में सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्म बन सकती है। अब भी पुष्पा 2 से 200 करोड़ दूर सैक्निल्क के मुताबिक, भारत की सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्म का खिताब हासिल करने के लिए ‘धुरंधर 2’ को अभी 200.63 करोड़ रुपए और कमाने होंगे। ‘पुष्पा 2’ का भारत में कुल नेट कलेक्शन 1,234.10 करोड़ रुपए है। जबकि धुरंधर 2 ने अभी 1,033.37 करोड़ रुपए कमाए हैं। वर्ल्डवाइड ग्रॉस कलेक्शन की बात करें तो ‘धुरंधर 2’ अब तक 1,641.21 करोड़ रुपए जुटा चुकी है। इसमें से विदेशों का योगदान 404 करोड़ रुपए है। हिंदी बेल्ट में मजबूत, साउथ में पिछड़ी फिल्म के कलेक्शन का विश्लेषण करें तो यह फिल्म हिंदी बेल्ट में काफी मजबूत रही है। ‘धुरंधर 2’ ने हिंदी मार्केट में अब तक 960.54 करोड़ रुपए का नेट कलेक्शन किया है, जो लगभग ‘पुष्पा 2’ के हिंदी वर्जन के बराबर ही है। हालांकि, साउथ के राज्यों में फिल्म वैसा प्रदर्शन नहीं कर पाई जैसा अल्लू अर्जुन की फिल्म ने किया था। ‘पुष्पा 2’ ने साउथ इंडिया से 511.70 करोड़ रुपए जुटाए थे, जिसकी भरपाई के लिए ‘धुरंधर 2’ को हिंदी मार्केट में लंबी दौड़ लगानी होगी। 20वें दिन भी कमाई में तेजी जारी तीसरे हफ्ते में पहुंचने के बावजूद फिल्म की कमाई की रफ्तार स्थिर बनी हुई है। मंगलवार (20वें दिन) को फिल्म ने भारत में 10.10 करोड़ रुपए का कलेक्शन किया, जो सोमवार की कमाई के लगभग बराबर है। फिल्म ने अपने पहले हफ्ते में 674.17 करोड़ और दूसरे हफ्ते में 263.65 करोड़ रुपए का बिजनेस किया था। 19 मार्च को रिलीज हुई इस फिल्म ने ओपनिंग डे पर ही 102.55 करोड़ रुपए कमा लिए थे। पार्ट 1 के लाइफटाइम रिकॉर्ड को 10 दिन में तोड़ा इस फिल्म की कामयाबी का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि इसने ‘धुरंधर’ के पहले पार्ट के ओवरसीज लाइफटाइम कलेक्शन को महज 10 दिनों में ही पीछे छोड़ दिया था। यह सबसे तेजी से 1000 करोड़ रुपए (वर्ल्डवाइड) कमाने वाली फिल्म बन गई है। फिल्म ने भारत में 100 करोड़ से लेकर 1000 करोड़ तक के सभी माइलस्टोन सबसे कम समय में हासिल किए हैं। साथ ही, यह अब तक की सबसे बड़ी हिंदी ओपनर और वर्ल्डवाइड सबसे बड़ा ओपनिंग वीकेंड देने वाली फिल्म भी बन चुकी है। फिल्म के नाम दर्ज हुए ये बड़े रिकॉर्ड्स भारत में 1000 करोड़ नेट कलेक्शन करने वाली पहली फिल्म। नॉर्थ अमेरिका में 25 मिलियन डॉलर कमाने वाली पहली भारतीय फिल्म। सबसे तेजी से 1000 करोड़ का ग्लोबल आंकड़ा पार करने वाली फिल्म। जर्मनी में 1 मिलियन यूरो का आंकड़ा छूने वाली पहली भारतीय फिल्म। ऑल टाइम सबसे बड़ी भारतीय ब्लॉकबस्टर।
धुरंधर 2 ने कमाई में बाहुबली 2 को पछाड़ा:अब सिर्फ पुष्पा 2 से पीछे; 200 करोड़ कमा कर भारत में हाईएस्ट ग्रॉसिंग फिल्म बन सकती है

रणवीर सिंह की फिल्म ‘धुरंधर 2’ बॉक्स ऑफिस पर लगातार नए रिकॉर्ड बना रही है। रिलीज के 20 दिनों के भीतर फिल्म ने भारत में 1,033.37 करोड़ रुपए का नेट कलेक्शन कर लिया है। इस आंकड़े के साथ ही फिल्म ने एसएस राजामौली की ‘बाहुबली 2’ के घरेलू नेट कलेक्शन (1,030.42 करोड़) को पीछे छोड़ दिया है। अब जल्द ही यह फिल्म अल्लू अर्जुन की ‘पुष्पा 2’ के ऑल-टाइम रिकॉर्ड को तोड़ कर भारत में सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्म बन सकती है। अब भी पुष्पा 2 से 200 करोड़ दूर सैक्निल्क के मुताबिक, भारत की सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्म का खिताब हासिल करने के लिए ‘धुरंधर 2’ को अभी 200.63 करोड़ रुपए और कमाने होंगे। ‘पुष्पा 2’ का भारत में कुल नेट कलेक्शन 1,234.10 करोड़ रुपए है। जबकि धुरंधर 2 ने अभी 1,033.37 करोड़ रुपए कमाए हैं। वर्ल्डवाइड ग्रॉस कलेक्शन की बात करें तो ‘धुरंधर 2’ अब तक 1,641.21 करोड़ रुपए जुटा चुकी है। इसमें से विदेशों का योगदान 404 करोड़ रुपए है। हिंदी बेल्ट में मजबूत, साउथ में पिछड़ी फिल्म के कलेक्शन का विश्लेषण करें तो यह फिल्म हिंदी बेल्ट में काफी मजबूत रही है। ‘धुरंधर 2’ ने हिंदी मार्केट में अब तक 960.54 करोड़ रुपए का नेट कलेक्शन किया है, जो लगभग ‘पुष्पा 2’ के हिंदी वर्जन के बराबर ही है। हालांकि, साउथ के राज्यों में फिल्म वैसा प्रदर्शन नहीं कर पाई जैसा अल्लू अर्जुन की फिल्म ने किया था। ‘पुष्पा 2’ ने साउथ इंडिया से 511.70 करोड़ रुपए जुटाए थे, जिसकी भरपाई के लिए ‘धुरंधर 2’ को हिंदी मार्केट में लंबी दौड़ लगानी होगी। 20वें दिन भी कमाई में तेजी जारी तीसरे हफ्ते में पहुंचने के बावजूद फिल्म की कमाई की रफ्तार स्थिर बनी हुई है। मंगलवार (20वें दिन) को फिल्म ने भारत में 10.10 करोड़ रुपए का कलेक्शन किया, जो सोमवार की कमाई के लगभग बराबर है। फिल्म ने अपने पहले हफ्ते में 674.17 करोड़ और दूसरे हफ्ते में 263.65 करोड़ रुपए का बिजनेस किया था। 19 मार्च को रिलीज हुई इस फिल्म ने ओपनिंग डे पर ही 102.55 करोड़ रुपए कमा लिए थे। पार्ट 1 के लाइफटाइम रिकॉर्ड को 10 दिन में तोड़ा इस फिल्म की कामयाबी का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि इसने ‘धुरंधर’ के पहले पार्ट के ओवरसीज लाइफटाइम कलेक्शन को महज 10 दिनों में ही पीछे छोड़ दिया था। यह सबसे तेजी से 1000 करोड़ रुपए (वर्ल्डवाइड) कमाने वाली फिल्म बन गई है। फिल्म ने भारत में 100 करोड़ से लेकर 1000 करोड़ तक के सभी माइलस्टोन सबसे कम समय में हासिल किए हैं। साथ ही, यह अब तक की सबसे बड़ी हिंदी ओपनर और वर्ल्डवाइड सबसे बड़ा ओपनिंग वीकेंड देने वाली फिल्म भी बन चुकी है। फिल्म के नाम दर्ज हुए ये बड़े रिकॉर्ड्स भारत में 1000 करोड़ नेट कलेक्शन करने वाली पहली फिल्म। नॉर्थ अमेरिका में 25 मिलियन डॉलर कमाने वाली पहली भारतीय फिल्म। सबसे तेजी से 1000 करोड़ का ग्लोबल आंकड़ा पार करने वाली फिल्म। जर्मनी में 1 मिलियन यूरो का आंकड़ा छूने वाली पहली भारतीय फिल्म। ऑल टाइम सबसे बड़ी भारतीय ब्लॉकबस्टर।
मैं प्राकृतिक रूप से कोरियाई होंठ कैसे प्राप्त कर सकता हूं: अंधेरे होंठों से मिनटों में बाहर, घर पर अपनाएं ये आसान कोरियाई होंठ देखभाल रूटीन

8 अप्रैल 2026 को 13:46 IST पर अद्यतन किया गया मैं प्राकृतिक रूप से कोरियाई होंठ कैसे पा सकता हूं: काले और काले होंठ से गायब हैं, तो घर पर ही आसान कोरियाई होंठ देखभाल अपना सकते हैं। आइए जानें इस समस्या से मिनटों में कैसे निपटें। (टैग्सटूट्रांसलेट) कोरियाई गुलाबी होंठ स्वाभाविक रूप से (टी) गुलाबी होंठ कैसे पाएं (टी) प्राकृतिक होंठ देखभाल दिनचर्या (टी) घर का बना लिप स्क्रब (टी) चुकंदर लिप टिंट DIY (टी) मुलायम गुलाबी होंठ युक्तियाँ (टी) कोरियाई सौंदर्य होंठ देखभाल (टी) काले होंठ उपचार घरेलू उपाय
बंगाल चुनाव 2026: 2011 में लगातार वृद्धि के बाद पहली बार मतदाताओं की संख्या में गिरावट दर्ज की गई

पश्चिम बंगाल में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) प्रक्रिया समाप्त होने के बाद अंतिम अंतिम रिलीज सूची हो गई है। 2011 के बाद से जब राज्य में कोलोराडो की संख्या में लगातार वृद्धि हुई है, तो यह पहली बार है। 2011 वह वर्ष था जब 34 वर्ष के वाम मोर्चा शासन का अंत हुआ और ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली पार्टी, कांग्रेस की सरकार सत्ता में आई। पश्चिम बंगाल के मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ) के, सत्ता परिवर्तन के अनुसार 2011 में राज्य में लगभग 5.62 करोड़ के साथ फ्लोरिडा विधानसभा का चुनाव हुआ था। 2014 में जब लोकसभा चुनाव हुए तो पश्चिम बंगाल में ज़िला की संख्या लगभग 6.27 करोड़ हो गई। असल में, इसी दौरान पश्चिम बंगाल के प्रमुख आर्केस्ट्रा ने पहली बार आरोप लगाया था कि नई या पहली बार मतदान करने वाले अलेक्सा को गणतंत्र सूची में शामिल किया गया था, लेकिन “मृत”, ‘स्थानांतरित’, ‘लापता’ और ‘डुप्लिकेट’ की नाम सूची से बाहर नहीं किया गया था। फिर 2016 में, जब राज्य में विधानसभा चुनाव हुए, जिसमें पश्चिम बंगाल में तेलंगाना कांग्रेस सरकार के सदनों में पहले से अधिक बहुमत के साथ वापसी हुई, तो जिले की संख्या लगभग 6.58 करोड़ हो गई। 2019 में, रिपब्लिकन पार्टी की ओर से पश्चिम बंगाल में 6.98 करोड़ की बढ़ोतरी हुई, जिसके बाद 2021 में 7.33 करोड़ की बढ़ोतरी हुई, जिससे राज्य में कांग्रेस की लगातार तीसरी बार सत्ता में वापसी हुई। अंततः 2024 के दौरान पश्चिम बंगाल में केमोपोलिज़ की संख्या 7.60 करोड़ हो गई। सीईओ के कार्यालय से उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, 2011 और 2024 के बीच इस प्रवृत्ति की संख्या में लगातार वृद्धि हुई है और इस प्रवृत्ति में एक बार भी गिरावट नहीं देखी गई है। हालाँकि, पिछले साल नवंबर में शुरू हुआ और अंततः इस महीने में पूरे एस रिबाउंड के बाद पश्चिम बंगाल में कोलोराडो की कुल संख्या 6.75 करोड़ हो गई। चुनावी मानक का मानना है कि 2011 से 2024 तक फ्लोरिडा की संख्या में लगातार वृद्धि हुई है, यह दर्शाता है कि जहां नए और पहली बार मतदान करने वाले वोटर्स सूची में शामिल हो रहे हैं। वहीं “मृत”, “स्थानांतरित”, “लापता” और “डुप्लिकेट” को सूची में समानांतर रूप से नहीं हटाया गया है। (टैग्सटूट्रांसलेट)विधानसभा चुनाव 2026(टी)बीजेपी(टी)बंगाल एसआईआर(टी)मतदाता(टी)2011चुनाव(टी)2026 चुनाव(टी)विधानसभा चुनाव(टी)कांग्रेस(टी)पश्चिम बंगाल(टी)तृणमूल कांग्रेस(टी)टीएमसी(टी)विधानसभा चुनाव 2026(टी)भाजपा(टी)बंगाल एस मजबूत(टी)मतदाता(टी)2011 चुनाव(टी)2026 चुनाव(टी)विधानसभा चुनाव(टी)कांग्रेस(टी)पश्चिम बंगाल(टी)तृणमूल कांग्रेस
नरसिंहपुर में हनुमान मंदिर से गहने-नकदी चोरी:जैन मंदिर का ताला नहीं तोड़ पाए चोर, ट्रस्टी बोले-CCTV में दिखे दो संदिग्ध

नरसिंहपुर के तेंदूखेड़ा में मंगलवार-बुधवार की दरमियानी रात चोरों ने दो मंदिरों को निशाना बनाया। इस घटना में हनुमान मंदिर से लाखों रुपए के आभूषण और नकदी चोरी कर ली गई, जबकि जैन मंदिर में सेंध लगाने की कोशिश की गई। जैन मंदिर का ताला नहीं तोड़ पाए चोर पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, चोर पहले जैन मंदिर पहुंचे और ताले तोड़ने का प्रयास किया, लेकिन मुख्य जिनालय में सफल नहीं हुए। इसके बाद वे नगर के बीच स्थित हनुमान मंदिर पहुंचे। यहां चोरों ने ताले तोड़कर भगवान का श्रृंगार, चांदी के छत्र और दान पेटी में रखी नकदी चुरा ली। हनुमान मंदिर से गहने-नकदी चोरी मंदिर के ट्रस्टी और महामंत्री कमल जैन ने बताया कि सीसीटीवी फुटेज में रात करीब 1 बजे दो संदिग्ध मंदिर में घुसते दिखाई दिए। फुटेज के अनुसार, चोरों ने पहले मुख्य गेट से अंदर आकर मुनि सुब्रतनाथ जिनालय के ताले को लगभग पांच मिनट तक तोड़ने की कोशिश की, लेकिन असफल रहे। इसके बाद वे बेसमेंट में पहुंचे, जहां का ताला तोड़कर अंदर घुसे और चोरी को अंजाम दिया। एफएसएल टीम और फिंगरप्रिंट एक्सपर्ट टीम को बुलाया गया घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। तेंदूखेड़ा थाना के सब-इंस्पेक्टर अभिषेक जैन के अनुसार, मामले की गंभीरता को देखते हुए साइबर टीम, एफएसएल टीम और फिंगरप्रिंट एक्सपर्ट को बुलाया गया है। अज्ञात चोरों की तलाश के लिए दो विशेष टीमें भी गठित की गई हैं।
शराब पीते वक्त कभी न करें ये 4 गलतियां, लिवर हो जाएगा डैमेज, जवानी में ही मौत का बढ़ेगा खतरा !

Last Updated:April 08, 2026, 13:08 IST Risky Drinking Habits: शराब पीते समय की गई कुछ गलतियां करना सेहत के लिए बेहद नुकसानदायक हो सकता है. शराब के साथ सिगरेट, खाली पेट शराब पीना, अल्कोहल में अन्य नशीले पदार्थ मिलाना और बीमारी के दौरान शराब पीना जानलेवा हो सकता है. ये गलत आदतें गंभीर बीमारियों और कम उम्र में मौत का खतरा बढ़ा सकती हैं. सावधानी बरतना बेहद जरूरी है. शराब पीते वक्त सिगरेट और अन्य नशीली चीजों का सेवन बिल्कुल नहीं करना चाहिए. (Image- AI) Alcohol and Health Risks: मॉडर्न लाइफस्टाइल में शराब पीना फैशन बन गया है. तमाम युवा हर वीकेंड पर शराब पीते हैं और इसके साथ कई अन्य तरह का नशा भी करते हैं. शौक के चक्कर में शराब पीने के नुकसान अक्सर नजरअंदाज कर दिए जाते हैं. हेल्थ एक्सपर्ट्स शराब को सेहत के लिए बेहद खतरनाक मानते हैं. खासकर जब शराब का सेवन गलत तरीकों से किया जाए, तो यह लोगों के लिए जानलेवा भी हो सकती है. शराब पीने से लिवर डैमेज, हार्ट प्रॉब्लम और यहां तक कम उम्र में मौत का खतरा भी बढ़ सकता है. ऐसे में जरूरी है कि अगर कोई शराब पीता भी है, तो कुछ खतरनाक गलतियां न करें. ग्रेटर नोएडा के फोर्टिस हॉस्पिटल के फिजीशियन डॉ. दिनेश कुमार त्यागी ने बताया कि सबसे पहले तो यह समझना जरूरी है कि शराब में अल्कोहल होता है और इससे शरीर को गंभीर नुकसान होता है. कई लोग शराब के साथ सिगरेट भी पीते हैं, जोसबसे खतरनाक आदतों में से एक है. जब शराब और तंबाकू एक साथ शरीर में जाते हैं, तो यह कैंसर, हार्ट डिजीज और लिवर डैमेज का खतरा कई गुना बढ़ा देते हैं. सिगरेट में मौजूद हानिकारक रसायन और शराब का असर मिलकर शरीर की कोशिकाओं को तेजी से नुकसान पहुंचाते हैं. यह कॉम्बिनेशन युवाओं के लिए बेहद घातक साबित हो सकता है. लोगों को इस गलती से बचना चाहिए. सिर्फ सिगरेट पीना भी सेहत के लिए नुकसानदायक है. सेहत, रिलेशनशिप, लाइफ या धर्म-ज्योतिष से जुड़ी है कोई निजी उलझन तो हमें करें WhatsApp, आपका नाम गोपनीय रखकर देंगे जानकारी. डॉक्टर ने बताया कि खाली पेट शराब पीना भी शरीर के लिए बेहद नुकसानदायक है. जब पेट खाली होता है, तो शराब सीधे ब्लड में तेजी से पहुंचती है, जिससे नशा जल्दी चढ़ता है और लिवर पर ज्यादा दबाव पड़ता है. इससे चक्कर आना, उल्टी, गैस्ट्रिक समस्या और यहां तक कि बेहोशी तक हो सकती है. इसलिए शराब पीने से पहले कुछ हल्का खाना जरूर लेना चाहिए, ताकि सेहत को कम नुकसान हो. शराब के साथ नमकीन या तली-भुनी चीजें खाने से भी शरीर को काफी नुकसान होता है. एक्सपर्ट्स की मानें तो कुछ लोग शराब के साथ अन्य नशीले पदार्थ मिलाकर सेवन करते हैं, जो बेहद खतरनाक है. यह न केवल शरीर पर बुरा असर डालता है, बल्कि अचानक रिएक्शन, हार्ट फेलियर या ओवरडोज जैसी गंभीर स्थिति पैदा कर सकता है. इस तरह के प्रयोग अक्सर जानलेवा साबित हो सकते हैं और इससे बचना ही सबसे सुरक्षित विकल्प है. शराब के साथ नशीले ड्रग्स का सेवन मौत की वजह बन सकता है. ऐसी कंडीशन से बचने के लिए कभी शराब और नशीली चीजें न मिलाएं. अगर किसी व्यक्ति को पहले से कोई गंभीर बीमारी है, जैसे लिवर की समस्या, हार्ट डिजीज, डायबिटीज या हाई ब्लड प्रेशर, तो शराब का सेवन कंडीशन ज्यादा खराब कर सकता है. कई दवाइयों के साथ शराब लेने से साइड इफेक्ट भी बढ़ जाते हैं. ऐसे में शराब पीना सेहत के लिए बहुत बड़ा जोखिम बन सकता है. शराब का सेवन अगर गलत तरीके से किया जाए तो यह धीरे-धीरे शरीर को अंदर से कमजोर कर देता है. अगर अपनी सेहत को सुरक्षित रखना चाहते हैं, तो इन गलतियों से बचना जरूरी है. About the Author अमित उपाध्याय अमित उपाध्याय News18 Hindi की लाइफस्टाइल टीम के अनुभवी पत्रकार हैं, जिनके पास प्रिंट और डिजिटल मीडिया में 9 वर्षों से अधिक का अनुभव है। वे हेल्थ, वेलनेस और लाइफस्टाइल से जुड़ी रिसर्च-बेस्ड और डॉक्टर्स के इंटरव्…और पढ़ें First Published : April 08, 2026, 13:08 IST





