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गांधी नगर मार्केट में कैरी बैग से नकदी चोरी, दो गिरफ्तार

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होमताजा खबरक्राइम दहशत में थे गांधी नगर के कारोबारी, बार-बार टटोलनी पड़ रही थी अपनी जेब, क्‍यों? Last Updated:February 22, 2026, 18:52 IST गांधी नगर मार्केट में कैरी बैग से नकदी चोरी की घटनाओं के बाद दिल्ली पुलिस ने सनी और हनी को गिरफ्तार कर 83 हजार रुपये बरामद किए, जिससे व्यापारियों को राहत मिली है. Delhi Crime News: दिल्ली के सबसे व्यस्त और नकदी आधारित बाजारों में शामिल गांधी नगर मार्केट में पिछले कुछ दिनों से कारोबारियों और ग्राहकों के बीच एक अजीब डर का माहौल था. लोग खरीदारी तो कर रहे थे, लेकिन उनका ध्‍यान अपने बैग और जेबों पर ही टिका रहता था. किसी अनहोनी के डर से वे बार-बार अपनी जेब टटोलने को मजबूरे थे. वजह थी लगातार हो रही कैरी बैग से नकदी चोरी की घटनाएं. अब दिल्ली पुलिस की कार्रवाई के बाद राहत की सांस जरूर मिली है, क्योंकि शातिर चोरों के इस गैंग को गिरफ्तार कर लिया है. शाहदरा जिले की गांधी नगर थाना पुलिस की क्रैक टीम ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर बाजार में सनसनी फैलाने वाली चोरी की वारदातों का खुलासा किया है. पुलिस ने आरोपियों के पास से कुल 83 हजार रुपये नकद बरामद किए हैं, जिसमें दो अलग-अलग वारदातों को अंजाम देकर हासिल किए गए 65 हजार और 18 हजार रुपये शामिल हैं. पुलिस के मुताबिक, दोनों आरोपी कैरी बैग में नकदी लेकर चलने वाले लोगों को निशाना बनाते थे. आपको बता दें कि गांधी नगर मार्केट सिर्फ एक बाजार नहीं, बल्कि हजारों छोटे कारोबारियों की रोजी-रोटी का केंद्र है. यहां रोजाना लाखों रुपये का कैश लेन-देन होता है. ऐसे में जब 12 और 14 फरवरी को दो अलग-अलग मामलों में 1.50 लाख रुपये और 78 हजार रुपये चोरी होने की खबर फैली, तो व्यापारियों और ग्राहकों की घबराहट बढ़ गई. कई दुकानदारों ने तो अपने कर्मचारियों को कैश लेकर अकेले बाहर भेजना भी बंद कर दिया था. घटनाओं के बाद पुलिस ने इलाके के सीसीटीवी फुटेज खंगाले, जिसमें आरोपियों की स्पष्ट तस्वीरें सामने आईं. एसएचओ गांधी नगर के निर्देश पर एसआई विकास के नेतृत्व में क्रैक टीम गठित की गई. 17 फरवरी को पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि आरोपी मंगलवार बाजार में फिर वारदात को अंजाम देने आने वाले हैं. पुलिस ने तुरंत जाल बिछाया और दोनों आरोपियों—सनी (34) और हनी (32), निवासी उत्तम नगर—को दबोच लिया. पूछताछ में सामने आया कि दोनों सगे भाई जल्दी पैसा कमाने के लालच में चोरी की राह पर उतर आए थे. वे खासतौर पर उन लोगों को टारगेट करते थे जो सिर या पीठ पर बैग लेकर चलते थे और सामान संभालने में व्यस्त रहते थे. सनी चुपके से बैग की चेन खोलकर नकदी निकालता और तुरंत हनी को थमा देता, ताकि वह मौके से फरार हो सके. इसी तरीके से उन्होंने दो बड़ी वारदातों को अंजाम दिया. About the Author Anoop Kumar MishraAssistant Editor Anoop Kumar Mishra is associated with News18 Digital for the last 6 years and is working on the post of Assistant Editor. He writes on Health, aviation and Defence sector. He also covers development related to …और पढ़ें First Published : February 22, 2026, 18:52 IST

कौन है बांग्लादेशी हैंडलर शब्बीर शाह, जो हाफिज सईद और लखवी के संपर्क में था? जानें कैसे हुई गिरफ्तारी | delhi police special cell lashkar module bangladesh handler shabbir ahmed lone with 8 terrorist arrest from kolkata

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होमताजा खबरDelhi कौन है बांग्लादेशी हैंडलर शब्बीर शाह, जो हाफिज सईद और लखवी के संपर्क में था? Last Updated:February 22, 2026, 17:56 IST दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने लश्कर-ए-तैयबा के एक बड़े आतंकी मॉड्यूल का भंडाफोड़ किया है. बांग्लादेश से संचालित इस गिरोह ने दिल्ली के कश्मीरी गेट मेट्रो स्टेशन पर देश विरोधी पोस्टर लगाए थे. पुलिस ने कोलकाता और तमिलनाडु से 8 संदिग्धों को गिरफ्तार किया है, जो फिदायीन हमले की फिराक में थे. गिरफ्तार आतंकी में 6 बांग्लादेशी हैं. दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने 8 आतंकी को गिरफ्तार किया. नई दिल्ली. पाकिस्तानी आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा दिल्ली सहित देश के कई बड़े शहरों को दहलाने की साजिश रच रहा है. भारतीय एजेंसियां इसको लेकर हाई अलर्ट पर है. इस बीच रविवार को दिल्ली पुलिस को एक बड़ी कामयाबी हाथ लगी है. दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने लश्कर-ए-तैयबा (LeT) के एक ऐसे मॉड्यूल का भंडाफोड़ किया है, जिसे बांग्लादेश में बैठा एक पुराना आतंकी हैंडलर संचालित कर रहा था. इस मॉड्यूल के तार दिल्ली से लेकर कोलकाता और तमिलनाडु तक फैले हुए थे. स्पेशल सेल की पूछताछ में पता चला है कि जिन 8 आतंकियों की गिरफ्तारी हुई है, उस मॉड्यूल का हैंडलर शब्बीर शाह पाकिस्तान में बैठे हाफिज सईद और 26/11 हमलों का मास्टरमाइंड जकीउर रहमान लखवी के संपर्क में था. एडिशनल सीपी स्पेशल सेल प्रमोद कुमार कुशवाहा ने इस पूरे ऑपरेशन की जानकारी देते हुए बताया कि कैसे एक पोस्टर से शुरू हुई जांच ने देशव्यापी आतंकी नेटवर्क का पर्दाफाश किया. दिल्ली पुलिस के मुताबिक, साजिश का खुलासा 7 फरवरी 2026 को हुआ, जब दिल्ली के कश्मीरी गेट मेट्रो स्टेशन और आसपास के कुछ अन्य स्टेशनों के पिलरों पर देश विरोधी और आतंकी विचारधारा को बढ़ावा देने वाले पोस्टर चिपके पाए गए. सीआईएसएफ की नजर इन पोस्टरों पर पड़ी, जिसके बाद दिल्ली पुलिस की मेट्रो यूनिट और स्पेशल सेल को अलर्ट किया गया. जांच शुरू हुई तो पता चला कि यह किसी शरारती तत्व का काम नहीं, बल्कि एक सुनियोजित आतंकी मनोवैज्ञानिक युद्ध का हिस्सा था. कोलकाता में गिरफ्तारी और मुख्य हैंडलर का खुलासा स्पेशल सेल की टीम ने सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी सर्विलांस के आधार पर कोलकाता में छापेमारी की. वहां स्थानीय पुलिस की मदद से दो संदिग्धों उमर फारूक और एक बांग्लादेशी नागरिक रोबिल उल इस्लाम को गिरफ्तार किया गया. पूछताछ में खुलासा हुआ कि इन दोनों को निर्देश बांग्लादेश में बैठा शब्बीर अहमद लोन दे रहा था. #WATCH | Delhi | Additional CP, Special Cell, Pramod Kumar Kushwaha says, “A total of eight people have been arrested in this case. Seven of them are Bangladeshi nationals. The arrest of the initial two persons was done on the 15th. On the 7th of February, anti-national posters… https://t.co/XDJ6DLwqpW pic.twitter.com/pRdIOgM4e2

दिल्ली: नंद नगरी गोलीबारी में उमर दीन की हत्या, आरोपी गिरफ्तार

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होमताजा खबरक्राइम क्‍यों हुई उमर की‍ दिनदहाड़े हत्‍या? दिल्‍ली पुलिस की गिरफ्त में आया नरेंद्र Last Updated:February 22, 2026, 17:26 IST नंद नगरी में मोहम्मद उमर दीन की हत्या के मामले में दिल्ली पुलिस ने आदतन अपराधी सुनील उर्फ दीपु उर्फ नरेंद्र को गिरफ्तार कर पिस्टल और कारतूस बरामद किए हैं. जांच जारी है. Delhi Crime News: पूर्वी दिल्ली के नंद नगरी इलाके में हुई गोलीबारी और हत्या की सनसनीखेज वारदात का दिल्ली पुलिस ने खुलासा कर दिया है. थाना नंद नगरी की टीम ने मामले में एक आरोपी को गिरफ्तार करते हुए उसके कब्जे से एक पिस्टल और तीन जिंदा कारतूस बरामद किए हैं. पुलिस के मुताबिक आरोपी एक आदतन अपराधी है और पहले भी कई गंभीर मामलों में शामिल रह चुका है. पुलिस के अनुसार 17 फरवरी 2026 की शाम थाना नंद नगरी में गोली चलने की सूचना मिली थी. सूचना मिलते ही पुलिस टीम तुरंत बड़े स्कूल के पास नंद नगरी इलाके में पहुंची. वहां पता चला कि घायल व्यक्ति मोहम्मद उमर दीन (35) को उसके परिजन पहले ही जीटीबी अस्पताल लेकर जा चुके हैं. अस्पताल में डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया, जिसके बाद इलाके में हड़कंप मच गया. घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की. फॉरेंसिक टीम ने मौके का मुआयना कर जरूरी साक्ष्य जुटाए. जांच के लिए इंस्पेक्टर आनंद यादव के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई, जिसमें एएसआई प्रमोद, हेड कांस्टेबल दीपक, विपिन, रोहित और कांस्टेबल जितेंद्र व विमल शामिल थे. लंबी कवायद के बाद पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी. पुलिस ने आरोपी सुनील उर्फ दीपु उर्फ नरेंद्र (34) दिल्‍ली के नंद नगरी इलाके से गिरफ्तार कर लिया. पूछताछ के दौरान आरोपी ने हत्या की वारदात को अंजाम देने की बात कबूल कर ली. पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर उसके पास से एक पिस्टल और तीन जिंदा कारतूस भी बरामद किए. विस्तृत जांच में सामने आया कि आरोपी पहले से ही आठ आपराधिक मामलों में शामिल रहा है, जिनमें हत्या, हत्या का प्रयास, स्नैचिंग, मारपीट और आर्म्स एक्ट से जुड़े अपराध शामिल हैं. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले में आगे की जांच जारी है और हत्या के पीछे की पूरी साजिश तथा अन्य संभावित आरोपियों की भूमिका की भी जांच की जा रही है. About the Author Anoop Kumar MishraAssistant Editor Anoop Kumar Mishra is associated with News18 Digital for the last 6 years and is working on the post of Assistant Editor. He writes on Health, aviation and Defence sector. He also covers development related to …और पढ़ें First Published : February 22, 2026, 17:26 IST

सीहोर में 9 साल की बेटी की हत्या:मां और उसका प्रेमी गिरफ्तार; प्रेम प्रसंग में रोड़ा बन रही थी, इसलिए रची थी साजिश

सीहोर में 9 साल की बेटी की हत्या:मां और उसका प्रेमी गिरफ्तार; प्रेम प्रसंग में रोड़ा बन रही थी, इसलिए रची थी साजिश

सीहोर जिले के रेहटी थाना क्षेत्र के ग्राम बाबरी में 9 वर्षीय बालिका राधिका की गला घोंटकर हत्या करने के मामले में पुलिस ने उसकी मां और मां के प्रेमी को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपियों ने अपने प्रेम प्रसंग में बाधा बनने के कारण 17 फरवरी को साजिश रचकर इस वारदात को अंजाम दिया था। वर्तमान में पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा रही है। पुलिस के अनुसार, ग्राम बाबरी निवासी सुषमा यदुवंशी ने रेहटी थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उसने अपनी शिकायत में बताया था कि उसकी 9 वर्षीय बेटी राधिका की किसी अज्ञात व्यक्ति ने गला घोंटकर हत्या कर दी है। इस शिकायत के आधार पर पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(1) के तहत हत्या का मामला दर्ज कर अपनी जांच शुरू की थी। पुलिस की पूछताछ में प्रेमी ने कबूला जुर्म सीहोर के पुलिस अधीक्षक (SP) दीपक कुमार शुक्ला के निर्देश पर थाना प्रभारी रेहटी निरीक्षक राजेश कहारे के नेतृत्व में एक जांच टीम गठित की गई। जांच के दौरान उपनिरीक्षक नंदराम अहिरवार और उनकी टीम ने ग्राम बाबरी पहुंचकर संदिग्ध आरोपी राहुल यदुवंशी (35) से पूछताछ की। पूछताछ में राहुल ने बताया कि उसका मृतका की मां सुषमा यदुवंशी के साथ प्रेम प्रसंग चल रहा था और राधिका उनके मिलने में बाधा बनती थी। साजिश के तहत मां गई काम पर, प्रेमी ने घोंटा गला आरोपी राहुल के अनुसार, उसने और सुषमा ने मिलकर राधिका की हत्या की साजिश रची थी। योजना के तहत सुषमा ने राहुल से कहा था कि वह 17 फरवरी को सुबह 9 बजे मजदूरी करने के लिए ढाबे पर चली जाएगी, तब राधिका घर पर अकेली होगी। इसी तय योजना के अनुसार, राहुल 17 फरवरी को दिन में 11:30 बजे सुषमा के घर में घुसा और वहां अकेली राधिका की लेगी (Legging) से गला घोंटकर उसकी हत्या कर दी। दोनों आरोपी गिरफ्तार वारदात की पूरी साजिश का खुलासा होने के बाद पुलिस ने इस मामले में दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पकड़े गए आरोपियों की पहचान राहुल यदुवंशी (36), पिता रामगोपाल यदुवंशी और सुषमा यदुवंशी (35), पति स्व. मेहताब सिंह यदुवंशी के रूप में हुई है। दोनों आरोपी सीहोर जिले के रेहटी थाना क्षेत्र के ग्राम बाबरी के निवासी हैं।

10 चैटिंग ऐप्स से अश्लील VIDEO कॉल, 2.5 करोड़ ठगे:MP में ‘डिजिटल अरेस्ट’ बताकर ब्लैकमेल करने वाली गैंग पकड़ाई; 20 गिरफ्तार

10 चैटिंग ऐप्स से अश्लील VIDEO कॉल, 2.5 करोड़ ठगे:MP में ‘डिजिटल अरेस्ट’ बताकर ब्लैकमेल करने वाली गैंग पकड़ाई; 20 गिरफ्तार

मध्यप्रदेश के शिवपुरी में ऑनलाइन चैटिंग और वीडियो कॉल के जरिए अश्लील वीडियो रिकॉर्ड कर देशभर में लोगों को “डिजिटल अरेस्ट” का डर दिखाकर ब्लैकमेल करने वाले बड़े साइबर गिरोह का पुलिस ने पर्दाफाश किया है। गिरोह अब तक ढाई करोड़ रुपए से ज्यादा की ठगी कर चुका है। गिरोह HIIU, TOKKI, MIKA, ELOELO, GAGA, HANI, SUGO, COMMECTO, HITSU, HONEY और COMET जैसे ऐप्स का इस्तेमाल कर रहा था। ये ऐप्स एपीके फाइल के जरिए आसानी से डाउनलोड हो जाते हैं। ऑनलाइन चैटिंग की तलाश में लोग इन्हें इंस्टॉल कर लेते थे, जिसका फायदा आरोपी उठाते थे। 7 कार, 29 मोबाइल समेत 1 करोड़ का माल जब्त पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 32 नामजद आरोपियों में से 20 को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से 7 कार, 1 बाइक, 29 मोबाइल, 16 एटीएम कार्ड, 7 बैंक पासबुक, एक मकान की रजिस्ट्री और 1.20 लाख रुपए नकद सहित करीब 1 करोड़ 7 लाख रुपए का माल जब्त किया गया है। एसपी ने बताया- ऐसे फंसाते थे जाल में एसपी अमन सिंह राठौड़ ने बताया कि आरोपी महिलाओं के नाम से फर्जी व्हाट्सएप अकाउंट बनाते थे। ऑनलाइन चैटिंग के इच्छुक लोगों को फ्रेंड रिक्वेस्ट भेजते। अश्लील बातचीत और वीडियो कॉल करते। पूरी कॉल और चैट की रिकॉर्डिंग कर लेते। फिर खुद को पुलिस अधिकारी बताकर कॉल करते। बलात्कार, चाइल्ड पोर्नोग्राफी जैसे गंभीर अपराधों में फंसाने की धमकी देते। “डिजिटल अरेस्ट” और केस सेटलमेंट के नाम पर रकम ट्रांसफर करवा लेते। सामाजिक बदनामी और कानूनी कार्रवाई के डर से कई पीड़ित बड़ी रकम भेज देते थे। ऑपरेशन मेट्रिक्स के तहत कार्रवाई यह पूरी कार्रवाई मध्यप्रदेश में चल रहे “ऑपरेशन मेट्रिक्स” के तहत ग्वालियर जोन के निर्देशन में की गई। जिले में 9 विशेष टीमों का गठन किया गया। एसडीओपी करैरा और पिछोर के नेतृत्व में करैरा, भौंती, अमोला, सुरवाया, सतनबाड़ा, कोतवाली, पिछोर और कोलारस थाना पुलिस ने संयुक्त दबिश देकर आरोपियों को पकड़ा। 32 में से 20 गिरफ्तार, 12 फरार पुलिस ने 32 आरोपियों को नामजद किया था। अब तक 20 गिरफ्तार किए जा चुके हैं, जबकि अन्य की तलाश जारी है। गिरोह में दो महिलाएं भी शामिल हैं। एक आरोपी ने ठगी के पैसों से आलीशान मकान बनवाया था, जिसकी रजिस्ट्री भी पुलिस ने जब्त कर ली है। पुलिस ने की लोगों से अपील पुलिस ने लोगों से अपील की है कि अनजान वीडियो कॉल या अश्लील चैट से बचें। किसी भी “डिजिटल अरेस्ट” कॉल से घबराएं नहीं। तुरंत नजदीकी थाने या साइबर हेल्पलाइन पर शिकायत करें। सोशल मीडिया और चैटिंग ऐप्स का इस्तेमाल सतर्कता से करें।

बेंगलुरु नेलमंगला में शोभा की हत्या, लूट के आरोपी शिवकुमार गिरफ्तार

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Last Updated:February 19, 2026, 13:23 IST Bengaluru Crime News: बेंगलुरु में 70 साल महिला की घर के अंदर बेरहमी से हत्या कर दी गई. घटना के दौरान उसका लकवाग्रस्त पति पास में ही असहाय पड़ा रहा. आरोपी ने 65 लाख रुपए के सोने के गहनों के लिए वारदात को अंजाम दिया. CCTV फुटेज के आधार पर पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और मामले की जांच जारी है. घटना के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है. ख़बरें फटाफट आरोपी ने लकवाग्रस्त पति के सामने ही महिला की हत्या कर 65 लाख रुपए के गहने लूट लिए. (फोटो News18 कन्नड़) Bengaluru Crime News: देश के IT हब कहे जाने वाले बेंगलुरु से हैरान कर देने वाली खबर सामने आई है. एक बुजुर्ग महिला अपने ही घर में तड़पती रही. उसका गला उसके पति के सामने ही रेत दिया गया. महिला के गले खून बहता रहा लेकिन उसके ठीक बगल में लेटा उसका लकवाग्रस्त पति कुछ भी नहीं कर सका. रात की खामोशी में घर के अंदर जो हुआ उसने पूरे इलाके को सन्न कर दिया. सुबह जब डॉक्टर इलाज के लिए पहुंचे तो सामने का मंजर देख उनके भी होश उड़ गए. NDTV की रिपोर्ट के अनुसार बताया जा रहा है कि लूट की नीयत से घर में घुसे आरोपी ने 70 वर्षीय महिला को बेरहमी से मार डाला. आरोपी ने पहले हत्या की और फिर आराम से घर में नकदी और सोना तलाशता रहा. जब पैसे नहीं मिले तो महिला के शरीर से ही लाखों रुपए के गहने उतार लिए. यह सब उस पति के सामने हुआ जो पिछले 15 साल से बिस्तर पर है और खुद हिल भी नहीं सकता. लालच ने कैसे इंसान को दरिंदा बना दिया, यह घटना उसी की भयावह मिसाल बन गई है. बेंगलुरु के नेलमंगला इलाके के हीरापुर स्थित कोटे बीड़ी में रहने वाली शोभा अपने पति रंगनाथ के साथ अकेली रहती थीं. दोनों की कोई संतान नहीं थी. रंगनाथ पिछले 15 सालों से लकवाग्रस्त हैं और पूरी तरह बिस्तर पर निर्भर हैं. घटना वाले दिन दोनों रोज की तरह वॉक से लौटे थे. देर रात आरोपी शिवकुमार घर में घुसा और करीब 1:03 बजे महिला पर हमला कर दिया. पुलिस के अनुसार उसने धारदार हथियार से गला रेतकर हत्या कर दी. हत्या के बाद आरोपी ने पूरे घर में पैसे तलाशे. जब नकदी नहीं मिली तो उसने महिला के शरीर से सोने की चेन, कंगन और अन्य गहने उतार लिए. पुलिस के मुताबिक करीब 450 ग्राम सोना चोरी हुआ, जिसकी कीमत लगभग 65 लाख रुपये है. वारदात के बाद आरोपी बाइक से फरार हो गया. आसपास लगे CCTV कैमरों में उसकी गतिविधियां कैद हो गईं. CCTV फुटेज से जांच को अहम सुराग मिला. CCTV और चालाकी से खुला पूरा खेल जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि आरोपी शिवकुमार एक थोक दुकान चलाता है. हत्या के बाद वह दोबारा घटनास्थल पर लौट आया और भीड़ में आम लोगों की तरह खड़ा होकर पुलिस जांच देखता रहा ताकि शक न हो. बाद में वह अपनी एक्टिवा से घर चला गया. लेकिन पुलिस ने कैमरों के जरिए वाहन नंबर ट्रेस कर लिया. इसके बाद आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया और हत्या में इस्तेमाल चाकू, बाइक और मोबाइल फोन बरामद कर लिए गए. हत्या का मकसद क्या था? पुलिस जांच के अनुसार यह पूरी तरह लूट के इरादे से की गई हत्या थी. आरोपी को पता था कि महिला सोने के गहने पहनती है. उसने घर में नकदी मिलने की उम्मीद की थी, लेकिन जब पैसा नहीं मिला तो उसने गहने लूटने के लिए महिला की हत्या कर दी. यह सुनियोजित अपराध माना जा रहा है. पति घटना के दौरान कुछ क्यों नहीं कर सके? मृतका के पति रंगनाथ पिछले 15 साल से लकवाग्रस्त हैं और बिस्तर पर ही रहते हैं. पुलिस का मानना है कि वह शारीरिक रूप से पूरी तरह असहाय थे और हमले के दौरान न तो विरोध कर सके और न ही मदद के लिए आवाज उठा सके. यही इस घटना का सबसे दर्दनाक पहलू है. आरोपी तक पुलिस कैसे पहुंची? CCTV फुटेज जांच में सबसे बड़ा सबूत बना. कैमरों में आरोपी बाइक से भागते हुए दिखा. बाद में उसने भीड़ में शामिल होकर शक से बचने की कोशिश की, लेकिन वाहन नंबर ट्रेस होने के बाद पुलिस सीधे उसके घर पहुंच गई और उसे गिरफ्तार कर लिया. About the Author Sumit Kumar सुमित कुमार News18 हिंदी में सीनियर सब एडिटर के तौर पर काम कर रहे हैं. वे पिछले 3 साल से यहां सेंट्रल डेस्क टीम से जुड़े हुए हैं. उनके पास जर्नलिज्म में मास्टर डिग्री है. News18 हिंदी में काम करने से पहले, उन्ह…और पढ़ें First Published : February 19, 2026, 13:21 IST

वर्ल्ड अपडेट्स:अमेरिका में 13 साल की बच्ची से यौन उत्पीड़न मामले में भारतीय नागरिक गिरफ्तार; डिपोर्टेशन की प्रक्रिया शुरू

वर्ल्ड अपडेट्स:अमेरिका में 13 साल की बच्ची से यौन उत्पीड़न मामले में भारतीय नागरिक गिरफ्तार; डिपोर्टेशन की प्रक्रिया शुरू

अमेरिका के न्यू जर्सी में एक भारतीय नागरिक को इमिग्रेशन अधिकारियों ने हिरासत में लिया है। उस पर 13 साल से कम उम्र की बच्ची से यौन उत्पीड़न और दुकान से चोरी से जुड़े आरोप लगे हैं। अमेरिकी इमिग्रेशन एंड कस्टम्स एनफोर्समेंट (ICE) ने सोशल मीडिया पर बयान जारी कर आरोपी की पहचान वोडेला यशस्वी कोट्टापल्ली के रूप में की है। एजेंसी के मुताबिक वह अवैध रूप से अमेरिका में रह रहा था और उसके खिलाफ आपराधिक मामले लंबित हैं। ICE ने कहा है कि आरोपी को अमेरिका के इमिग्रेशन कानून के तहत डिपोर्टेशन की प्रक्रिया पूरी होने तक हिरासत में रखा जाएगा। हालांकि एजेंसी ने अपराधों के बारे में विस्तृत जानकारी साझा नहीं की है। यह कार्रवाई ऐसे समय में हुई है, जब अमेरिका से भारतीय नागरिकों के डिपोर्टेशन के मामलों में तेज बढ़ोतरी देखी जा रही है। केंद्र सरकार ने संसद में बताया था कि 2025 में 3,800 से ज्यादा भारतीय नागरिकों को अमेरिका से वापस भेजा गया। सरकार ने यह स्पष्ट नहीं किया है कि इनमें कितने मामलों में आपराधिक आरोप शामिल थे और कितने लोग सिर्फ इमिग्रेशन नियमों के उल्लंघन की वजह से डिपोर्ट किए गए। अमेरिकी अधिकारियों का कहना है कि जिन गैर-नागरिकों पर गंभीर अपराधों, खासकर नाबालिगों से जुड़े मामलों में आरोप या सजा होती है, उन्हें हिरासत और निर्वासन के लिए प्राथमिकता दी जाती है। अमेरिकी कानून के तहत, कुछ आपराधिक मामलों का सामना कर रहे गैर-नागरिकों को अदालत में केस चलने के दौरान इमिग्रेशन हिरासत में रखा जा सकता है। अंतरराष्ट्रीय मामलों से जुड़ी ये खबरें भी पढ़ें… अमेरिका के चर्चित अश्वेत नागरिक अधिकार नेता जेसी जैक्सन का निधन अमेरिका के प्रमुख अश्वेत नेता और नागरिक अधिकार कार्यकर्ता जेसी जैक्सन का मंगलवार को 84 वर्ष की उम्र में निधन हो गया। उनके परिवार ने बयान जारी कर इसकी पुष्टि की है। हालांकि मौत की वजह नहीं बताई गई है। 1968 में डॉ. मार्टिन लूथर किंग जूनियर की हत्या के बाद जैक्सन ने नागरिक अधिकार आंदोलन की मशाल संभाली। उन्होंने 1984 और 1988 में राष्ट्रपति पद के लिए चुनाव लड़ा, लेकिन वे चुनाव जीत नहीं सके। जैक्सन का जन्म 8 अक्टूबर 1941 को साउथ कैरोलाइना के ग्रीनविल में जेसी लुइस बर्न्स के नाम से हुआ था। उनकी मां हेलेन बर्न्स उस समय 16 वर्ष की थीं। उनके जैविक पिता नोआ लुइस रॉबिन्सन थे, जो उनके पालन-पोषण में शामिल नहीं रहे। बाद में उनकी मां ने चार्ल्स जैक्सन से शादी की और कई साल बाद जेसी ने उनका उपनाम अपना लिया। फ्रांस के प्रेसिडेंट मैक्रों तीन दिन के दौरे पर भारत पहुंचे फ्रांस के प्रेसिडेंट इमैनुएल मैक्रों और फर्स्ट लेडी ब्रिगिट मैक्रों तीन दिन के दौरे पर भारत पहुंचे। उनका विमान सोमवार देर रात महाराष्ट्र के मुंबई में लैंड हुआ। मुंबई एयरपोर्ट पर महाराष्ट्र के गवर्नर आचार्य देवव्रत और मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने उनका स्वागत किया। PM नरेंद्र मोदी के इनविटेशन पर मैक्रों का देश का चौथा दौरा है। दोनों नेताओं ने 2026 को भारत-फ्रांस ईयर ऑफ इनोवेशन घोषित किया, यह एक आगे की सोच वाली पहल है जिसका वे इस दौरे के दौरान मुंबई में मिलकर उद्घाटन करेंगे। मौजूदा यात्रा कार्यक्रम के हिस्से के तौर पर, PM मोदी और राष्ट्रपति मैक्रों 17 फरवरी को मुंबई में होराइजन 2047 रोडमैप के तहत आपसी सहयोग को और मजबूत करने के लिए चर्चा करेंगे। डेलीगेशन इंडिया AI इम्पैक्ट समिट 2026 के लिए दिल्ली भी जाएगा। 16 से 20 फरवरी तक भारत मंडपम में होने वाला यह इवेंट ग्लोबल साउथ में होस्ट किया गया पहला ग्लोबल AI समिट है। सिंगापुर में खुद को अधिकारी बताने वाले भारतवंशी युवक को 9 महीने की जेल सिंगापुर में भारतीय मूल के 25 वर्षीय प्रकाश परमासिवम को अदालत ने खुद को जेल अधिकारी बताकर ईमेल भेजने के मामले में नौ महीने की सजा सुनाई। उसने राष्ट्रपति थरमन शानमुगरत्नम और संसद सचिवालय को मेल कर सजा में राहत मांगने की कोशिश की थी। वह पहले जेल जा चुका था।

दिल्ली: बुद्ध विहार में साली पर हमला, आरोपी जय प्रकाश यादव गिरफ्तार | delhi police arrested coaching teacher for attacked sister in law from rohini budh vihar west mega mall

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होमताजा खबरDelhi दिल्ली के रोहिणी में सनसनीखेज वारदात, जीजा ने सगी साली का रेत दिया गला Last Updated:February 16, 2026, 19:05 IST Delhi Crime News: दिल्ली के बुद्ध विहार इलाके में एक सिरफिरे जीजा ने अपनी साली पर जानलेवा हमला कर दिया. वेस्ट मेगा मॉल के पास आरोपी ने कटर से महिला का गला रेत दिया. दिल्ली पुलिस ने बहादुरी दिखाते हुए आरोपी टीचर को बगल की इमारत की छत से दबोच लिया. पारिवारिक विवाद के चलते इस खूनी खेल को अंजाम दिया गया. दिल्ली में जीजा ने साली का गला रेता नई दिल्ली. देश की राजधानी दिल्ली के रोहिणी सेक्टर-24 स्थित बुद्ध विहार इलाके में आज दोपहर उस समय हड़कंप मच गया, जब एक शख्स ने अपनी ही साली का गला कटर से रेत दिया. यह घटना वेस्ट मेगा मॉल के पास पॉकेट-17 में हुई. घायल महिला को खून से लथपथ हालत में तुरंत बाबा साहेब अंबेडकर (BSA) अस्पताल ले जाया गया, जहां उसकी हालत गंभीर बनी हुई है. दिल्ली पुलिस ने आरोपी जीजा को गिरफ्तार कर लिया है, जो वारदात के बाद पास की ही एक बिल्डिंग की छत पर छिपा हुआ था. दिल्ली पुलिस ने बताया कि दोपहर करीब 12:21 बजे बुद्ध विहार थाने में एक पीसीआर कॉल प्राप्त हुई, जिसमें बताया गया कि एक महिला का गला काट दिया गया है और वह गंभीर रूप से घायल है. सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस की टीम मौके पर पहुंची. जांच में पता चला कि घायल महिला एक थेरेपी सेंटर में काम करती है और वह अपनी ड्यूटी पर थी जब उस पर यह जानलेवा हमला हुआ. छत से दबोचा गया आरोपी टीचर वारदात को अंजाम देकर भाग रहे आरोपी को पकड़ने के लिए बुद्ध विहार थाने के एसआई साहिल, हेड कॉन्स्टेबल विकास सांगवान, कुलदीप, गणेश, मनदीप और कॉन्स्टेबल अजय व परमिंदर की टीम ने मोर्चा संभाला. पुलिस टीम ने आसपास की इमारतों की सघन तलाशी ली और बहादुरी का परिचय देते हुए आरोपी जय प्रकाश यादव को पास की एक इमारत की छत से धर दबोचा. आरोपी जय प्रकाश यादव नजफगढ़ के जनता विहार का रहने वाला है और वह एक कोचिंग सेंटर में शिक्षक है. पारिवारिक कलह दिल्ली पुलिस के पूछताछ में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है. आरोपी जय प्रकाश का अपनी पत्नी जो खुद भी एक टीचर है और उसके परिवार के साथ अप्रैल 2025 से विवाद चल रहा था. इसी रंजिश के चलते उसने अपनी साली को निशाना बनाया. हमले के लिए उसने कटर ब्लेड का इस्तेमाल किया था, जिसे पुलिस ने मौके से बरामद कर लिया है. दिल्ली पुलिस घटना स्थल का निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाए हैं. घायल महिला फिलहाल बयान देने की स्थिति में नहीं है और अस्पताल में उसका इलाज चल रहा है. पुलिस ने आरोपी जय प्रकाश यादव के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 109(1) हत्या का प्रयास के तहत मामला दर्ज कर लिया है. पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या इस हमले में कोई और भी शामिल था या आरोपी ने अकेले ही इस साजिश को अंजाम दिया. About the Author रविशंकर सिंहचीफ रिपोर्टर भारतीय विद्या भवन से पत्रकारिता की पढ़ाई करने वाले रविशंकर सिंह सहारा समय न्यूज चैनल, तहलका, पी-7 और लाइव इंडिया न्यूज चैनल के अलावा फर्स्टपोस्ट हिंदी डिजिटल साइट में भी काम कर चुके हैं. राजनीतिक खबरों के अलावा…और पढ़ें First Published : February 16, 2026, 19:05 IST

नौकरी के नाम पर 7 साल तक दरिंदगी, दुर्ग में 7 गिरफ्तार, फॉरेंसिक जांच तेज

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Last Updated:February 16, 2026, 17:01 IST छत्तीसगढ़ के दुर्ग में नाबालिग से कथित सामूहिक दुष्कर्म के मामले में पुलिस ने अब तक सात आरोपियों को गिरफ्तार किया है. नौकरी दिलाने का झांसा देकर सात साल तक शोषण के आरोप हैं. जांच में सरकारी गाड़ियों और रेस्ट हाउस के इस्तेमाल की बात सामने आई है. पुलिस ने दो वाहन और मोबाइल जब्त कर फॉरेंसिक जांच शुरू कर दी है. दुर्ग में हैवानियत का दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है. दुर्ग. जिले में नाबालिग के साथ कथित सामूहिक दुष्कर्म और लंबे समय तक शोषण का मामला छत्तीसगढ़ में चर्चा में है. पीड़िता की शिकायत के बाद दर्ज एफआईआर और अब तक की जांच में कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं. आरोप है कि नौकरी दिलाने का झांसा देकर उसे जाल में फंसाया गया और सात साल तक डर, दबाव और ब्लैकमेल के जरिए उसका शोषण किया गया. इस दौरान कथित तौर पर सरकारी कार्य में लगी गाड़ियों और रेस्ट हाउस का उपयोग भी किया गया. पुलिस ने अब तक सात आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और इलेक्ट्रॉनिक व दस्तावेजी साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं. गिरफ्तार आरोपियों में विजय स्वाइन, अनिल चौधरी, गोविंद सिंह नागवंशी, कृपा शंकर उर्फ राजू कश्यप, अमित वर्मा, भीमनारायण पांडे और संजय पंडित शामिल हैं. आरोपों के मुताबिक, PWD विभाग के रिटायर्ड कर्मचारी, कारोबारी, BJP सांसद का पूर्व पीए ने शोषण किया. मामले की गंभीरता इस बात से भी समझी जा सकती है कि जांच एजेंसियां कॉल डिटेल रिकॉर्ड, सीसीटीवी फुटेज, वाहन लॉगबुक और रेस्ट हाउस रजिस्टर की पड़ताल कर रही हैं. बीएन पांडे और संजय पंडित ने कोर्ट में सरेंडर किया था. दो दिन की पुलिस रिमांड के बाद दो मुख्य आरोपियों को न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया है. जब्त किए गए वाहनों और मोबाइल फोन को फॉरेंसिक जांच के लिए भेजने की प्रक्रिया चल रही है. पुलिस का कहना है कि जांच तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर आगे बढ़ेगी और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा. 2018 से दुर्ग में हो रहा था शोषण महिला थाने में दर्ज शिकायत के अनुसार पीड़िता वर्ष 2018 में अपनी मां के साथ दुर्ग आई थी. मां को घरेलू काम दिलाया गया और रहने के लिए क्वार्टर उपलब्ध कराया गया. आरोप है कि इसी दौरान विभाग से जुड़े कुछ लोगों ने उसे धमकाकर दुष्कर्म किया. बाद में नौकरी दिलाने का लालच देकर अलग अलग स्थानों, खासकर रेस्ट हाउस में बुलाया जाता रहा. पीड़िता ने आरोप लगाया कि उसके साथ कई बार सामूहिक दुष्कर्म हुआ और विरोध करने पर बदनाम करने की धमकी दी गई. दुर्ग, उतई, पाटन और कवर्धा सहित विभिन्न स्थानों पर हुआ अपराध, डिजिटल साक्ष्यों की जांचएफआईआर के अनुसार 2018 से 2025 के बीच दुर्ग, उतई, पाटन और कवर्धा सहित विभिन्न स्थानों पर अपराध होने के आरोप हैं. पीड़िता का कहना है कि आरोपियों ने प्रभाव और पद का डर दिखाकर उसे चुप रहने पर मजबूर किया. व्हाट्सऐप पर फोटो और वीडियो की मांग कर वायरल करने की धमकी दी गई. पुलिस डिजिटल साक्ष्यों की जांच कर रही है और कॉल डिटेल विश्लेषण कराया जा रहा है. 2 मोबाइल बरामद, फॉरेंसिक जांच से होगा बड़ा खुलासा 13 फरवरी को कोर्ट में सरेंडर के बाद दो आरोपियों को दो दिन की पुलिस रिमांड पर लिया गया. पूछताछ में उनकी निशानदेही पर कार CG 07 AU 352 और इंडिगो CG 07 AT 7047 जब्त की गई. दो मोबाइल फोन भी बरामद किए गए हैं. 15 फरवरी को दोनों को न्यायिक अभिरक्षा में केंद्रीय जेल भेज दिया गया. पुलिस का कहना है कि जब्त सामग्री का फॉरेंसिक परीक्षण कराया जाएगा. अब तक कुल सात आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है. पुलिस के अनुसार अन्य इलेक्ट्रॉनिक और दस्तावेजी साक्ष्य भी जुटाए जा रहे हैं. जांच एजेंसियां यह भी देख रही हैं कि कथित तौर पर सरकारी परिसंपत्तियों का दुरुपयोग कैसे हुआ. About the Author Sumit verma सुमित वर्मा, News18 में 4 सालों से एसोसिएट एडीटर पद पर कार्यरत हैं. बीते 3 दशकों से सक्रिय पत्रकारिता में अपनी अलग पहचान रखते हैं. देश के नामचीन मीडिया संस्‍थानों में सजग जिम्‍मेदार पदों पर काम करने का अनुभव. प…और पढ़ें Location : Durg,Durg,Chhattisgarh First Published : February 16, 2026, 17:01 IST

तिहाड़ जेल से रची गई ₹50 लाख की खौफनाक साजिश! 2 साल से फरार ‘गोगी गैंग’ का वांटेड गुर्गा गिरफ्तार, खुला ये बड़ा राज

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Last Updated:February 13, 2026, 22:29 IST Gogi Gang Sharp Shooter Arrested: दिल्ली पुलिस क्राइम ब्रांच (इंटर-स्टेट सेल) ने कुख्यात गोगी गैंग के वॉन्टेड क्रिमिनल अंकुश चोपड़ा उर्फ ​​सचिन को गिरफ्तार किया है. वह दो साल से फरार था. उसके खिलाफ वजीराबाद में एक बिजनेसमैन को टारगेट करके ₹50 लाख की एक्सटॉर्शन और फायरिंग करने का आरोप है. पुलिस ने बताया कि यह साजिश तिहाड़ जेल के अंदर से गैंगस्टर सनी काकरान और गौरव ने रची थी, जिन्होंने शूटआउट के लिए नाबालिगों का इस्तेमाल किया था. 50 लाख रुपये की रंगदारी मामले में ‘गोगी गैंग’ का गुर्गा गिरफ्तार. (फाइल फोटो) Gogi Gang Sharp Shooter Arrested: राजधानी दिल्ली में संगठित अपराध और गैंगस्टर्स पर नकेल कसते हुए दिल्ली पुलिस को एक बड़ी कामयाबी हाथ लगी है. दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच इंटर स्टेट सेल (ISC) ने कुख्यात ‘गोगी गैंग’ (Gogi Gang) से जुड़े एक वांटेड और खूंखार बदमाश को धर दबोचा है. पकड़ा गया आरोपी पिछले दो साल से फायरिंग और 50 लाख रुपये की रंगदारी मांगने के एक सनसनीखेज मामले में पुलिस की आंखों में धूल झोंक कर फरार चल रहा था. कुछ समय पहले दिल्ली के वजीराबाद इलाके में एक कारोबारी के घर के बाहर दिनदहाड़े फायरिंग की घटना ने पूरे इलाके में दहशत फैला दी थी. पुलिस के मुताबिक, एक काली स्प्लेंडर बाइक पर सवार होकर एक बदमाश आया और कारोबारी के घर पर गोलियां बरसाकर फरार हो गया. दहशत फैलाने के लिए मौके पर एक पर्ची भी छोड़ी गई थी, जिसमें ‘गोगी गैंग’ के नाम पर सीधे ₹50 लाख की रंगदारी मांगी गई थी. तिहाड़ जेल के अंदर से रची गई थी पूरी साजिश पुलिस की सघन जांच में इस पूरे खौफनाक खेल का मास्टरमाइंड जेल के अंदर बैठा मिला. इस पूरी साजिश को तिहाड़ जेल की हाई-सिक्योरिटी बैरक में बंद दो बदमाशों मनीष उर्फ सनी ककरान और मनमोहन उर्फ गौरव ने रचा था. इन शातिर अपराधियों ने पुलिस से बचने के लिए नाबालिग लड़कों का इस्तेमाल किया और उनसे कारोबारी के घर पर फायरिंग करवाई. सिम कार्ड ने खोला वांटेड आरोपी का राज पुलिस ने इस मामले में सीसीटीवी फुटेज और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर 2 नाबालिगों सहित 6 आरोपियों को तो पहले ही गिरफ्तार कर लिया था, लेकिन मुख्य आरोपी अंकुश चोपड़ा उर्फ सचिन लगातार फरार था. अदालत ने उसे 30 जून 2025 को भगोड़ा (Proclaimed Offender) भी घोषित कर दिया था. जेल से चल रहा गैंग जब क्राइम ब्रांच ने अंकुश को गिरफ्तार कर सख्ती से पूछताछ की, तो चौंकाने वाला खुलासा हुआ. जेल में बैठे आकाओं के संपर्क में रहने के लिए जिस मोबाइल सिम कार्ड का इस्तेमाल किया जा रहा था, वह इसी अंकुश चोपड़ा के नाम पर रजिस्टर्ड था. अंकुश ने यह सिम अपने साथियों को दिया था, जिन्होंने इसे तिहाड़ जेल में बंद आकाओं तक पहुंचाया, ताकि वहां से रंगदारी का पूरा नेटवर्क चलाया जा सके. About the Author Deep Raj Deepak दीप राज दीपक 2022 में न्यूज़18 से जुड़े. वर्तमान में होम पेज पर कार्यरत. राजनीति और समसामयिक मामलों, सामाजिक, विज्ञान, शोध और वायरल खबरों में रुचि. क्रिकेट और मनोरंजन जगत की खबरों में भी दिलचस्पी. बनारस हिंदू व…और पढ़ें First Published : February 13, 2026, 22:29 IST