डायबिटीज मरीज सावधान, शुगर नहीं हुई कंट्रोल तो ये तीन अंग हो जाएंगे खराब, दिल्ली के डॉक्टर ने बताया खतरा

Last Updated:March 27, 2026, 11:51 IST Diabetes Control tips: क्या आपने कभी सोचा है कि डायबिटीज के साथ-साथ मरीज की किडनी और आंखें क्यों खराब हो जाती है. क्यों एक डायबिटीज मरीज की किडनी और आंखें डायबिटीज होने के कुछ ही सालों बाद खराब होने लगती है. आपको जानकर हैरानी होगी कि देश के जाने माने डॉक्टर बताते हैं कि अगर शुगर नियंत्रित नहीं हुई तो कुछ ही सालों में उसका असर गुर्दा और आंखों पर पड़ता है. नई दिल्ली. कहते हैं अगर आपको शुगर हो गई तो आपके शरीर के मल्टी ऑर्गन्स यानी जितने भी अंग हैं, सभी प्रभावित होते हैं. सबसे पहले प्रभावित होती है आंखें और किडनी जिसके बिना इंसान कुछ नहीं कर सकता. ज्यादा विस्तार से जानने के लिए जब डॉक्टर एनके सोनी से बात की गई जोकि पिछले 40 साल से डायबिटीज मरीजों का इलाज कर रहे हैं और दिल्ली एनसीआर के विभिन्न अस्पतालों में अपनी सेवाएं दे चुके हैं. उन्होंने बताया कि डायबिटीज होते ही शुगर नियंत्रित रखने की जो सलाह डॉक्टर देते हैं उसे हर मरीज को माननी चाहिए क्योंकि अगर आपने यह सोचा कि आज एक बार मीठा खा लेते हैं एक बार खाने से क्या हुआ या खानपान से ही सुधार लेंगे? दवाओं की जरूरत नहीं है तो आपकी डायबिटीज यानी शुगर अनियंत्रित हो जाएगी और जैसे ही यह अनियंत्रित होगी वैसी आपके शरीर के विभिन्न अंगों पर इसका प्रभाव पड़ेगा और सबसे पहले खराब होंगे आपके तीन अंग जो आपके लिए जानलेवा साबित होंगे. सिर्फ इतने वक्त में खराब हो जाती है किडनी और आंखमशहूर डॉक्टर एनके सोनी ने बताया कि अगर किसी को डायबिटीज हो गई और उसने शुगर नियंत्रित नहीं किया और डायबिटीज में शुगर का स्तर लगातार बढ़ता रहा तो मात्र चार से पांच साल या ज्यादा से ज्यादा 7 साल के अंदर किडनी और अंगों तक इसका प्रभाव हो जाता है. जिसमें सबसे पहले किडनी खराब होती है. जिस वजह से इंसान को डायलिसिस करवानी पड़ती है और जीवन कष्टकारी हो जाता है. इसके बाद आंखों पर असर पड़ता है तो आंखों से धुंधला दिखना शुरू हो जाता है. इंसान अपने रोजमर्रा के काम भी नहीं कर पाता है. शुगर ज्यादा अनियंत्रित होने पर दिल की नसों पर भी अपना प्रभाव डाल देती है. जिस वजह से हार्ट अटैक होने की संभावना भी बढ़ जाती है, इसलिए जरूरी है कि शुगर स्तर को नियंत्रित रखें. अगर आपने ऐसा नहीं किया तो पहले आपकी किडनी और फिर आंखों के बाद दिल पर इसका प्रभाव पड़ेगा. किडनी और आंखों पर इसका प्रभाव पड़ते ही जीवन कष्टकारी हो जाता है, जबकि दिल पर इसका असर जैसे ही पड़ता है तो इंसान की मृत्यु हो जाती है. ये हैं शुगर कंट्रोल के 10 तरीके रोज 30 मिनट तेज चाल से चलना. वॉक इंसुलिन की कार्यक्षमता बढ़ाती है और ब्लड शुगर घटाती है.आधी प्लेट सब्जी, चौथाई प्रोटीन जैसे दाल, पनीर या अंडा और चौथाई साबुत अनाज जैसे रोटी और ब्राउन राइस इसे खाएं. रिफाइंड, शुगर, मैदा, मीठा, कोल्ड ड्रिंक, बिस्किट, सफेद ब्रेड से बचें. सलाद, छिलके वाली दालें, ओट्स, चिया और अलसी- ये शुगर की स्पाइक रोकते हैं. दाल, पनीर, अंडा, दही, सोया, भूख और शुगर दोनों स्थिर रखते हैं. हर 3-4 घंटे में हल्का संतुलित भोजन लें और ओवरईटिंग से बचें. कम नींद शुगर और भूख हार्मोन बिगाड़ती है. प्राणायाम, ध्यान, योग करें. तनाव कम होगा तो शुगर भी स्थिर रहेगी. डिहाइड्रेशन शुगर बढ़ा सकता है, मीठे पेय की जगह पानी या नारियल पानी लें. ग्लूकोमीटर से शुगर चेक करें, डॉक्टर की दवा या इंसुलिन समय पर लें. About the Author Mohd Majid with more than more than 5 years of experience in journalism. It has been two and half year to associated with Network 18 Since 2023. Currently Working as a Senior content Editor at Network 18. Here, I am cover…और पढ़ें First Published : March 27, 2026, 11:51 IST
सरकार बोली- देश में लॉकडाउन नहीं लगेगा:डर का माहौल न बनाएं; PM ने कहा था- जंग की चुनौती कोरोना जैसी, तैयार रहना होगा

केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा है कि देश में लॉकडाउन नहीं लगेगा। उन्होंने संसद के बाहर कहा- हालात काबू में हैं। पीएम मोदी खुद स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने भी कहा कि लॉकडाउन को लेकर फैल रही अफवाहें पूरी तरह गलत हैं। डर का माहौल न बनाएं। सरकार का ऐसा कोई इरादा नहीं है। प्रधानमंत्री ने चार दिन पहले संसद में कहा था कि इस युद्ध के कारण दुनिया में जो कठिन हालात बने हैं, उनका प्रभाव लंबे समय तक बने रहने की आशंका है। इसलिए हमें तैयार रहना होगा। हम कोरोना के समय भी एकजुटता से ऐसी चुनौतियों का सामना कर चुके हैं। प्रधानमंत्री आज शाम सभी मुख्यमंत्रियों से बात भी करने वाले हैं। लॉकडाउन के सवाल पर रिजिजू का पूरा बयान पढ़िए सवाल: क्या देश में लॉकडाउन लगने वाला है? जवाब: नहीं, नहीं, ये सब कौन अफवाह उड़ा रहा है। पीएम ने साफ तौर पर कहा था कि पैनिक नहीं होना है। जमाखोरियों को चेतावनी दी है। राज्य सरकारों से कहा है कि कोई भी होर्डिंग न करे। भारत सरकार के कंट्रोल में पूरी स्थिति है। आम लोगों को तकलीफ न हो इसके लिए टॉप लेवल से लेकर नीचे लेवल तक यहां तक कि पीएम खुद मॉनीटर कर रहे हैं। हम इसे लगातार अपडेट कर रहे हैं…
तेज रफ्तार बाइक सवारों ने राह चलते युवक को पीटा:बीच-बचाव करने आईं पत्नी और अन्य महिलाओं से भी की मारपीट, VIDEO सामने आया

मुरैना के जौरा कस्बे में गुरुवार शाम घर के बाहर टहल रहे एक युवक को तेज रफ्तार बाइक सवारों ने पीछे से टक्कर मार दी, जिसके बाद हुए विवाद में आरोपियों ने अपने साथियों को बुलाकर युवक की जमकर पिटाई कर दी। बीच-बचाव करने पहुंचीं युवक की पत्नी और घर की अन्य महिलाओं के साथ भी हमलावरों ने मारपीट की। पूरी घटना का सीसीटीवी फुटेज सामने आया है, जिसके आधार पर जौरा पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर आरोपियों की तलाश और पहचान शुरू कर दी है। टहल रहे युवक को मारी टक्कर, विवाद बढ़ने पर बुलाए साथी जौरा कस्बे के निवासी आशीष सिंघल गुरुवार शाम अपने घर की गली में टहल रहे थे। इसी दौरान पीछे से तेज रफ्तार में आए दो बाइक सवार युवकों ने उन्हें टक्कर मार दी। इस बात पर दोनों पक्षों में कहासुनी हो गई और विवाद इतना बढ़ गया कि उनके बीच मारपीट शुरू हो गई। इसके बाद बाइक सवार युवकों ने फोन कर अपने अन्य साथियों को भी मौके पर बुला लिया और सबने मिलकर आशीष की मारपीट कर दी। घंटी बजाकर घर वालों को बुलाया, महिलाओं को भी पीटा मारपीट के दौरान आशीष ने अपने घर की घंटी बजा दी। घंटी सुनकर जब उनकी पत्नी रेणु सिंघल घर से बाहर आईं और पति को बचाने का प्रयास किया, तो युवकों ने उनके साथ भी मारपीट की। इसके बाद घर की अन्य महिलाओं ने रेणु को बचाने की कोशिश की, तो हमलावर युवकों ने उन महिलाओं को भी पीटा। सड़क पर हुई इस पूरी मारपीट का सीसीटीवी वीडियो भी सामने आया है। एसडीओपी बोले- सीसीटीवी के आधार पर कर रहे पहचान जौरा एसडीओपी नितिन बघेल ने घटना के संबंध में बताया कि, बाइक के टकराने से हुआ विवाद और पति पत्नी की मारपीट के मामले में एफआईआर दर्ज की है आरोपियों की सीसीटीवी के आधार पर पहचान की जा रही है।
चलती पिकअप से धक्का देकर युवक की हत्या:उधारी के पैसे लेनदेन में विवाद, 3 आरोपी गिरफ्तार; पुलिस ने 48 घंटे में किया खुलासा

सिंगरौली जिले के जयंत क्षेत्र में युवक की हत्या का पुलिस ने 48 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया है। मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें एक नाबालिग भी शामिल है। उधारी के पैसों के विवाद में चलती पिकअप से धक्का देकर हत्या की गई थी। घटना 25 मार्च की है। पुलिस को एफआरव्ही 112 के माध्यम से सूचना मिली थी कि सरसवाहलाल क्षेत्र में सड़क किनारे एक युवक का शव पड़ा है। मौके पर पहुंची पुलिस को पीसीसी सड़क के पास युवक का क्षत-विक्षत शव मिला। एफएसएल और डॉग स्क्वाड से जांच शुरू मौके पर मौजूद लोगों ने मृतक की पहचान आशीष कुमार कुशवाहा (25), निवासी सरसवाहलाल जयंत के रूप में की। घटना की गंभीरता को देखते हुए विंध्यनगर थाना प्रभारी निरीक्षक अर्चना द्विवेदी और जयंत चौकी प्रभारी सुधाकर सिंह परिहार ने तत्काल एफएसएल टीम और डॉग स्क्वाड को बुलाकर जांच शुरू कराई। शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल बैढ़न भेजा गया। जांच के दौरान पुलिस ने मृतक की कॉल डिटेल खंगाली और संबंधित लोगों से पूछताछ की। सामने आया कि घटना वाले दिन मृतक की स्कूटी से पेट्रोल की बोतल चोरी हो गई थी। इसी की तलाश में वह संदिग्धों के घर पहुंचा था, जहां उधारी के पैसों को लेकर नूर हसन उर्फ मनिया से उसका विवाद हो गया। चलती पिकअप से धक्का देने पर युवक की मौत विवाद बढ़ने पर आरोपी नूर हसन, एक बाल अपचारी और छोटू कुमार कोल ने मिलकर चलती पिकअप वाहन में आशीष के साथ मारपीट की। इसके बाद उसे वाहन से धक्का दे दिया। गिरने के बाद युवक वाहन के नीचे आ गया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर रिमांड पर भेजा विंध्यनगर थाना प्रभारी अर्चना द्विवेदी ने बताया कि पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तकनीकी साक्ष्यों और पूछताछ के आधार पर तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। उन्हें न्यायालय में पेश कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। इस पूरे मामले के खुलासे में पुलिस टीम की सक्रियता और समन्वय की महत्वपूर्ण भूमिका रही। ये खबर भी पढ़े… युवक का घर के बाहर संदिग्ध हालत में मिला शव: हत्या की आशंका सिंगरौली जिले के जयंत इलाके में बुधवार सुबह आशीष कुशवाहा (25) का शव उसके घर के सामने संदिग्ध हालत में मिला। घटना की जानकारी मिलते ही क्षेत्र में लोगों की भीड़ जमा हो गई और माहौल तनावपूर्ण हो गया। घटना की सूचना जयंत क्षेत्र के सरसवाहलाल मोहल्ले से पुलिस को मिली। पढ़े पूरी खबर…
झारखंड में दिखा ‘फायर फॉरेस्ट’ का नजारा, पलाश के फूलों ने बढ़ाई खूबसूरती

Last Updated:March 27, 2026, 08:17 IST झारखंड के पलामू जिले का कुंदरी स्थित ऐतिहासिक लाह बगान इन दिनों अपनी अद्भुत प्राकृतिक खूबसूरती के कारण लोगों को आकर्षित कर रहा है. करीब 421 एकड़ में फैले इस विशाल क्षेत्र में तीन लाख से अधिक पलाश के पेड़ वसंत ऋतु में लाल और नारंगी फूलों से लदकर ऐसा दृश्य पेश करते हैं, मानो पूरा जंगल आग की लपटों में चमक रहा हो, इसी वजह से इसे ‘फायर फॉरेस्ट’ कहा जाता है. यह नजारा न सिर्फ पर्यटकों के लिए खास आकर्षण का केंद्र है, बल्कि औषधीय गुणों और स्थानीय आजीविका के लिहाज से भी इस क्षेत्र की अहमियत लगातार बढ़ती जा रही है. रिपोर्ट- शशिकांत ओझा झारखंड के पलामू जिले का कुंदरी स्थित ऐतिहासिक लाह बगान इन दिनों अपनी प्राकृतिक खूबसूरती के कारण चर्चा में है. करीब 421 एकड़ में फैले इस विशाल क्षेत्र में तीन लाख से अधिक पलाश के पेड़ मौजूद हैं, जो वसंत ऋतु आते ही लाल और नारंगी फूलों से लद जाते हैं. फरवरी से मार्च के बीच यहां का नजारा इतना आकर्षक हो जाता है कि इसे ‘फायर फॉरेस्ट’ यानी आग जैसा दिखने वाला जंगल कहा जाता है. यह नजारा बेहद खास होता है. पलामू का कुंदरी लाह बगान न सिर्फ झारखंड, बल्कि पूरे एशिया में अपनी तरह का सबसे बड़ा माना जाता है. दूर-दूर से लोग इस अद्भुत दृश्य को देखने पहुंचते हैं. इस बगान में चारों ओर फैले पलाश के फूल मानो धरती पर लाल कालीन बिछा देते हैं, जो पर्यटकों और प्रकृति प्रेमियों को खासा आकर्षित करता है. हाल के वर्षों में इस क्षेत्र में पलाश के पेड़ों की संख्या और भी बढ़ी है, जिससे इसकी सुंदरता और महत्व दोनों में इजाफा हुआ है. पलामू में बहुत संख्या में पलाश के पेड़ पाए जाते हैं. Add News18 as Preferred Source on Google एक्सपर्ट डॉ० डी एस श्रीवास्तव ने लोकल 18 को बताया कि पलाश का पेड़ केवल सुंदरता के लिए ही नहीं, बल्कि औषधीय गुणों के लिए भी जाना जाता है. वन विशेषज्ञ डॉ. डी.एस. श्रीवास्तव बताते हैं कि पलाश के फूल और अन्य हिस्सों में कई महत्वपूर्ण औषधीय तत्व पाए जाते हैं. खासकर इसके बीज और छाल से बनने वाली दवाएं पेट के कीड़ों को खत्म करने में कारगर मानी जाती हैं. इसमें पिपराजिन साइट्रेट जैसे तत्व पाए जाते हैं, जो पेट से जुड़ी कई समस्याओं के उपचार में सहायक होते हैं. उन्होंने कहा कि इसके अलावा पलाश के फूलों का उपयोग सजावटी सामग्री बनाने में भी किया जाता है. फूलों को सुखाकर रंगीन डेकोरेशन आइटम तैयार किए जाते हैं, जो बाजार में भी अच्छी कीमत पर बिकते हैं. ग्रामीण क्षेत्रों में लोग इन फूलों का उपयोग पारंपरिक रंग बनाने में भी करते हैं, खासकर होली के समय इसका महत्व बढ़ जाता है. लाह बगान क्षेत्र पहले से ही लाह उत्पादन के लिए प्रसिद्ध रहा है, लेकिन अब पलाश के फूलों के कारण यह पर्यटन का भी एक महत्वपूर्ण केंद्र बनता जा रहा है. स्थानीय प्रशासन और वन विभाग अगर इसे और विकसित करें, तो यह क्षेत्र इको-टूरिज्म के रूप में नई पहचान बना सकता है. उन्होंने कहा कि कुंदरी का यह लाह बगान प्रकृति की अनमोल धरोहर है, जहां हर साल वसंत ऋतु में ‘फायर फॉरेस्ट’ का अद्भुत नजारा देखने को मिलता है. यह न सिर्फ पर्यावरण की दृष्टि से महत्वपूर्ण है, बल्कि स्थानीय लोगों के लिए रोजगार और आय का भी एक बड़ा स्रोत बन सकता है. अभी गर्मी के मौसम में सबसे खास तौर पर कुंदरी लाल बगान देखने लायक है. First Published : March 27, 2026, 08:17 IST
सरकारी नौकरी की तैयारी करने वाले साइबर ठग:नर्मदापुरम पुलिस ने महाराष्ट्र से गिरफ्तार किया; एयरपोर्ट पर पार्सल पकड़े जाने का झांसा देकर ठगा था

देहात थाना पुलिस ने पार्सल छुड़ाने के नाम पर 1.04 लाख रुपए की साइबर ठगी करने वाले दो आरोपियों को महाराष्ट्र से गिरफ्तार किया है। 18 दिसंबर 2025 को आरोपियों ने फरियादी सेवकराम को व्हाट्सएप कॉल कर क्यूआर कोड से रुपए ट्रांसफर करवाए थे। आरोपी सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे थे। एक आरोपी पुलिस भर्ती का फिजिकल टेस्ट देने मुंबई गया था। पूछताछ के बाद पुलिस ने दोनों को जेल भेज दिया है। पार्सल घर भेजने का दिया झांसा देहात थाना प्रभारी सौरभ पांडे ने बताया कि 18 दिसंबर 2025 को फरियादी सेवकराम को व्हाट्सएप कॉल आया था। ठगों ने झांसा दिया कि उनका पार्सल एयरपोर्ट पर पकड़ा गया है, जिसे छुड़ाने के लिए रुपए लगेंगे। इसके बाद क्यूआर कोड भेजकर पार्सल घर डिलीवर होने का दावा किया और धोखे से 1,04,500 रुपये ट्रांसफर करवा लिए। फरियादी ने थाने में एफआईआर कराई थी। तकनीकी साक्ष्यों से ट्रेस कर औरंगाबाद और जालना से दबोचा आरोपियों ने तकनीकी संसाधनों से धोखाधड़ी की थी। पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर महाराष्ट्र के औरंगाबाद और जालना से दोनों को गिरफ्तार किया। आरोपी शिवम घोसीर (22) हिंगोली (वर्तमान- सिडको, औरंगाबाद) और तानाजी राठौर (30) जालना का रहने वाला है। दोनों प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी कर रहे थे। तानाजी फिजिकल टेस्ट के लिए मुंबई गया था, जहाँ से पुलिस ने उसे पकड़ा। एसपी ने दिया पुलिस टीम को 10 हजार का इनाम साइबर फ्रॉड के आरोपियों को पकड़ने वाली पुलिस टीम को एसपी साईंकृष्णा थोटा ने 10 हजार रुपए का इनाम देने की घोषणा की है। इस कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक सौरभ पाण्डे, सउनि लक्ष्मण अमोत्या, सउनि प्रवीण शर्मा, आरक्षक चेतन नरवरे, नर्मदाप्रसाद निमोदा, सुनील साहू, जितेंद्र शेषकर और सायबर सेल के सागर कुशवाह का योगदान रहा।
रेप के आरोपी इमरान सुपर ने कोर्ट में किया सरेंडर:ढाई माह से था फरार, पुलिस पकड़ नहीं पाई; हिंदू संगठनों ने थाने का किया था घेराव

रेप के आरोप में फरार रतलाम भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा का पूर्व जिला उपाध्यक्ष इमरान हुसैन उर्फ सुपर (36) ने गुरुवार को कोर्ट में सरेंडर कर दिया। पुलिस ढाई माह से इसे तलाश रही रही थी। एसपी अमित कुमार ने इसकी गिरफ्तारी के लिए पूर्व में 10 हजार रुपए का इनाम भी घोषित किया था। 6 दिन पूर्व इसकी गिरफ्तारी को लेकर हिंदू संगठनों ने थाने का भी घेराव कर चेतावनी दी थी। इमरान हुसैन उर्फ सुपर पिता मेहमूद निवासी शहर सराय के खिलाफ 30 साल की हिंदू युवती ने 29 दिसंबर 2025 को थाना औद्योगिक क्षेत्र में रेप का केस दर्ज कराया था। तब से यह फरार था। आरोपी ने युवती को हिंदू नाम सोनू बताकर दोस्ती की थी। युवती की शादी होने पर उसने उसे पति को छोड़ने को कहा। जब तलाक हो गया तो शादी से मना कर दिया था। इस दौरान कई बार युवती के साथ संबंध बनाए थे। हाईकोर्ट का आदेश लेकर पहुंचा आरोपी इमरान अपने साथ अग्रिम जमानत याचिका निरस्ती के दस्तावेज के अलावा हाईकोर्ट से जारी उक्त वह आदेश भी लेकर पहुंचा था, जिसमें उसे आदेशित किया था कि वह पुलिस के समक्ष या रतलाम कोर्ट में सरेंडर करें। रतलाम कोर्ट से इमरान सुपर के सरेंडर होने की सूचना पुलिस को मिली। पुलिस ने कोर्ट में पेश होकर रेप के मामले में फरार आरोपी इमरान सुपर से अपराध में जानकारी और साक्ष्य जुटाने के लिए रिमांड मांगा। कोर्ट ने 28 मार्च तक के लिए पुलिस रिमांड पर भेजने के आदेश जारी किए। इनाम राशि बढ़ाई थी इमरान के खिलाफ केस दर्ज होने के बाद गिरफ्तारी को लेकर एसपी ने 5 जनवरी को 2 हजार रुपए का इनाम घोषित किया था। 10 मार्च तक वह पुलिस की पकड़ में नहीं आया। तब एसपी ने इनाम राशि बढ़ाकर 10 हजार की थी। पति से तलाक कराया, सोनु नाम बताया युवती ने रिपोर्ट में बताया था कि मेरी शादी से पहले 2020 में मेरी मुलाकात राम मंदिर के पास इमरान से हुई थी। उसने अपना हिंदू नाम सोनू बताया था। फिर मेरी शादी हो गई। 11 जून 2023 से वापस इमरान से मोबाइल पर बात होने लगी। इमरान ने कहा कि तुम अपने पति को छोड़ दो। जुलाई 2023 में मैनें पति को छोड़ दिया। इसके बाद मैं पिता के पास रहने आ गई। 14 सितंबर 2023 से मैं और इमरान दोनों नयागांव क्षेत्र में किराए के मकान में पति-पत्नी की तरह रहने लगे। इमरान ने मुझे कहा कि जब तेरा तलाक हो जाएगा तो हम शादी कर लेंगे। बाद में मैंने जब उसका मोबाइल चेक किया तो पता लगा कि यह तो मुसलमान है और इसका असली नाम इमरान है। मैंने इमरान से कहा कि मेरा तलाक हो गया है, शादी कर लेते हैं तो उसने शादी करने से मना कर दिया। इमरान ने मुझे सभी जगह पत्नी बनाकर रखा और मेरे साथ कई बार संबंध बनाए। एमडी ड्रग्स के साथ भी पकड़ा था रेप के आरोपी इमरान सुपर और उसका साथी कयामुद्दीन को स्टेशन रोड थाना पुलिस ने नवंबर 2025 में 3.71 ग्राम एमडी ड्रग के साथ पकड़ा था। इमरान कुछ दिन जेल में रहा। बाद में जमानत पर बाहर आ गया। हिंदू संगठन ने किया था थाने का घेराव फरार आरोपी की गिरफ्तारी को लेकर रविवार रात हिंदू संगठनों ने थाना औद्योगिक क्षेत्र का घेराव किया था। थाने परिसर में सभी नीचे जमीन पर बैठ गए थे। ढाई माह से अधिक समय बाद भी गिरफ्तारी नहीं होने पर जमकर विरोध जताया था। गिरफ्तारी को लेकर 7 दिन का अल्टीमेटम दिया था। इसका असर यह हुआ कि पुलिस को आरोपी का पकड़ नहीं पाई, वह खुद कोर्ट में सरेंडर कर दिया।
नैंसी ग्रेवाल हत्याकांड में खालिस्तानी कनेक्शन:कनेडियन पुलिस अफसरों ने माना; खालिस्तान समर्थकों का विरोध हो सकता है हत्या का कारण

कनाडा के लासाल में सोशल मीडिया इंफ्लूएंसर नैंसी ग्रेवाल हत्याकांड में खालिस्तानी कनेक्शन सामने आ रहा है। कनेडियन मीडिया के अनुसार हत्याकांड की जांच कर रहे अफसरों ने पहली बार माना है कि नैंसी हत्याकांड में खालिस्तान समर्थक हाथ हो सकता है। अब तक हुई जांच के बाद पुलिस को लग रहा है कि सोशल मीडिया पर खालिस्तान समर्थकों का विरोध करने के कारण नैंसी ग्रेवाल की हत्या की गई है। पुलिस ने अब खालिस्तानी कनेक्शन की तरफ जांच करनी शुरू कर दी है। नैंसी की मां और बहन पहले ही खालिस्तान समर्थकों पर उसकी हत्या का आरोप लगा चुकी हैं। लासाल पुलिस सर्विस इस मामले की जांच कर रही है और अब ओंटारियो प्रोविंशियल पुलिस भी इस जांच में शामिल हो गई है। नैंसी ग्रेवाल हत्याकांड की जांच पुलिस अलग-अलग एंगलों से कर रही है। पुलिस पर्सनल रंजिश और अन्य एंगलों पर भी जांच कर रही है, लेकिन पुलिस का अब सबसे ज्यादा फोकस खालिस्तानी कनेक्शन पर है। हालांकि पुलिस अभी तक किसी को भी गिरफ्तार नहीं कर पाई है। हत्या और घर पर आगजनी के केस जोड़कर जांच में जुटी पुलिस ओंटारियो प्रांतीय पुलिस ने नैंसी ग्रेवाल की हत्या और नंवबर माह में उसके घर पर आगजनी की घटना को जोड़कर जांच शुरू कर दी है। ओंटारियों पुलिस ने नवंबर में हुई घटना की जांच विंडसर पुलिस से अपने हाथ में ले ली है। पुलिस को अंदेशा है कि जिन लोगों ने आग लगाने की कोशिश की हत्या में भी वही शामिल हें। मां और बहन लगा चुकी खालिस्तान समर्थकों पर आरोप नैंसी ग्रेवाल की मां और बहन उसकी हत्या का आरोप खालिस्तान समर्थकों पर लगा चुकी हैं। नैंसी सोशल मीडिया के जरिए खालिस्तान समर्थकों पर हमले करती थी। जिसकी वजह से खालिस्तान समर्थकों से उसे लगातार थ्रेट भी मिलती रही। सिख समुदाय को कर रहे बदनाम कनेडियन मीडिया के अनुसार मेट्रोपॉलिटन विंडसर की सिख कल्चरल सोसाइटी के पूर्व अध्यक्ष हरजिंदर सिंह कंदोला ने कहा कि सिख समुदाय को बदनाम करने के कोशिशें की जा रही हैं। उन्होंने कहा कि नैंसी हत्याकांड की असली वजह जानने के लिए केवल सबूतों पर आधारित, गहन और निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। उनका कहना है कि जांच सिर्फ आरोपों के आधार पर न की जाए। कंदोला ने कहा कि उनका संगठन पुलिस के साथ सहयोग करेगा। नवंबर में घर पर आग लगाने की कोशिश नैंसी ग्रेवाल ने सोशल मीडिया पर बताया था कि 8 नवंबर को उसके घर पर पेट्रोल डालकर आग लगाने की कोशिश की गई थी। उसकी सीसीटीवी फुटेज भी सामने आई थी। तब भी नैंसी ग्रेवाल ने खालिस्तान समर्थकों को इस हमले के लिए जिम्मेदार बताया था। 3 मार्च को हुई थी नैंसी ग्रेवाल की हत्या 45 वर्षीय, पंजाबी मूल की सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर और पर्सनल सपोर्ट वर्कर, मूल रूप से लुधियाना-जालंधर की थी और कनाडा के विंडसर में रहती थीं। उसकी 3 मार्च को शाम करीब 9:30 बजे लासाल, ओंटारियो में टॉड लेन पर एक क्लाइंट के घर के बाहर चाकू मारकर हत्या कर दी गई। पुलिस ने इसे टारगेटेड किलिंग माना है। अब तक की जांच में क्या हुआ पुलिस किस-किस से लिंक कर रही है
सुप्रीम कोर्ट में शिक्षक संघ ने पुनर्विचार याचिका दायर की

भास्कर संवाददाता| राजगढ़ शिक्षकों के हित में राज्य शिक्षक संघ ने पात्रता परीक्षा से जुड़े आदेश के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में पुनर्विचार याचिका दायर की है। संघ का कहना है कि 25 से 30 साल सेवा दे चुके शिक्षकों के लिए इस तरह की परीक्षा अनिवार्य करना मानसिक प्रताड़ना जैसा है। इसे लेकर शिक्षकों में लंबे समय से नाराजगी बनी हुई थी। राज्य शिक्षक संघ के प्रदेश अध्यक्ष जगदीश यादव ने बताया कि शिक्षकों की परिस्थितियों को देखते हुए जिला व प्रदेश स्तर पर बैठकें की गईं। इसके बाद शिक्षकों के के इस मुद्दे को लेकर 25 मार्च को सुप्रीम कोर्ट में अधिवक्ताओं से चर्चा की गई और पुनर्विचार याचिका दायर की गई। शिक्षकों से कहा- किसी के बहकावे में न आएं: जगदीश यादव ने कहा कि अब शिक्षकों को व्यक्तिगत रूप से न्यायालय जाने की जरूरत नहीं है। राज्य शिक्षक संघ पूरे मामले में कानूनी लड़ाई लड़ रहा है। उन्होंने शिक्षकों से अपील की कि वे किसी भी तरह के भ्रम या बहकावे में न आएं और न्यायालय पर भरोसा रखें।
कर्नाटक में पति ने बीच सड़क पत्नी का गला काटा:फिर कार से कुचला, मौके पर मौत; राहगीरों ने वीडियो बनाया

कर्नाटक में एक व्यक्ति ने बीच सड़क पत्नी की हत्या कर दी। उसने पहले पत्नी का गला काटा, फिर SUV से कुचल दिया। घटना के दो वीडियो सामने आए है। घटना कलबुर्गी जिले के बल्लूरगी गांव के पास की है। वीडियो में आरोपी पत्नी के बाल पकड़कर उसे पीटता दिख रहा है, जबकि महिला मदद के लिए चीखती नजर आती है। पुलिस के मुताबिक, अक्षय अपनी पत्नी सान्वी के साथ गुरुवार सुबह तीर्थ स्थल गनागापुरा जा रहा था। दोनों मारुति सुजुकी अर्टिगा कार में थे। सुबह करीब 11 बजे रास्ते में दोनों के बीच विवाद हुआ, जिसके बाद अक्षय ने शैला को गाड़ी से बाहर धक्का दे दिया। इसके बाद अक्षय बीच सड़क पर सान्वी का बाल पकड़कर पीटने लगा और हंसिए से गला काट दिया। फिर वह सान्वी को कार में बैठाकर खेत की तरफ ले गया। वहां पत्नी को जमीन पर लिटाकर SUV चढ़ा दी। शैला की मौके पर ही मौत हो गई। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में आरोपी के आसपास कुछ गाड़ियों और लोग दिख रहे है। जब अक्षय पत्नी का गला काट रहा था, तब वहां से एक कार भी गुजरी, जबकि एक शख्स बाइक पर खड़े होकर वारदात देख रहा था। चार साल पहले हुई थी शादी कलबुर्गी के पुलिस अधीक्षक अड्डुरु श्रीनिवासुलु के मुताबिक, दोनों की शादी चार साल पहले हुई थी। वे महाराष्ट्र के बारामती के रहने वाले थे। पुलिस ने मामला दर्ज किया है। आरोपी और उसके माता-पिता को हिसारत में लिया गया है। ————- ये खबर भी पढ़ें… बेंगलुरु में प्रोफेसर ने क्लासरूम में छात्रा को प्रपोज किया:लड़की ने चप्पल से पीटा, कॉलेज के बाहर स्टूडेंट्स ने भी घेरकर मारपीट की बेंगलुरु के एक मेडिकल कॉलेज में एक प्रोफेसर ने क्लास के दौरान ही एक छात्रा को प्रपोज कर दिया। छात्रा के विरोध के बाद विवाद बढ़ा और इसके बाद अन्य छात्रों ने कॉलेज के बाहर प्रोफेसर के साथ मारपीट कर दी। घटना का वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस और कॉलेज प्रशासन ने जांच शुरू कर दी है।









