Tuesday, 15 Sep 2026 | 08:25 PM

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जीवाजी विश्वविद्यालय में आवारा कुत्तों को खाना खिलाने पर प्रतिबंध:नियम तोड़ने वालों पर होगी कार्रवाई, सुप्रीम कोर्ट के आदेश का पालन

जीवाजी विश्वविद्यालय में आवारा कुत्तों को खाना खिलाने पर प्रतिबंध:नियम तोड़ने वालों पर होगी कार्रवाई, सुप्रीम कोर्ट के आदेश का पालन

ग्वालियर के जीवाजी विश्वविद्यालय ने परिसर में आवारा कुत्तों को खाना खिलाने पर प्रतिबंध लगा दिया है। विश्वविद्यालय प्रबंधन ने इस संबंध में एक आदेश जारी किया है और चेतावनी दी है कि नियम का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। यह कदम शहर में बढ़ते डॉग बाइट के मामलों और सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के मद्देनजर उठाया गया है। विश्वविद्यालय के मुख्य द्वार पर एक आदेशात्मक बैनर लगाया गया है। इसमें स्पष्ट रूप से कहा गया है कि यदि कोई भी व्यक्ति परिसर के अंदर आवारा कुत्तों को भोजन वितरित करते पाया गया, तो उसके विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। प्रबंधन ने इस निर्णय को सर्वोच्च न्यायालय में आवारा कुत्तों के हमलों से संबंधित याचिका पर आए आदेश का अनुपालन बताया है। 7-8 लोग डॉग बाइट के शिकार हुए थे दरअसल, ग्वालियर में प्रतिदिन 250 से अधिक डॉग बाइट के मामले सामने आ रहे हैं। हाल ही में, विश्वविद्यालय परिसर में ही एक आवारा कुत्ते ने एक ही दिन में 7 से 8 लोगों को काट लिया था। इस घटना के बाद छात्र-छात्राओं, प्रोफेसरों और सुबह टहलने आने वाले लोगों में दहशत फैल गई थी। विश्वविद्यालय परिसर में लड़कों और लड़कियों के छात्रावास, प्रोफेसरों के आवास सहित अन्य आवासीय क्षेत्र हैं। यहां प्रतिदिन लगभग पांच हजार लोग सुबह-शाम टहलने आते हैं। ऐसे में सुरक्षा को लेकर बढ़ती चिंता स्वाभाविक है। विश्वविद्यालय के जनसंपर्क अधिकारी डॉ. विमलेंद्र सिंह राठौर ने बताया कि प्रबंधन ने सार्वजनिक स्थानों पर कुत्तों को भोजन न देने संबंधी सुप्रीम कोर्ट के आदेश के परिपालन में यह कदम उठाया है। उन्होंने कहा कि परिसर में डॉग बाइट की बढ़ती घटनाओं को देखते हुए यह निर्णय आवश्यक हो गया था।

आधी रात को फोन कर बुलाया, युवक को मारी गोली:पन्ना में ककरहाई हत्याकांड का खुलासा, खाने-पीने पर हुए विवाद में किया मर्डर; आरोपी गिरफ्तार

आधी रात को फोन कर बुलाया, युवक को मारी गोली:पन्ना में ककरहाई हत्याकांड का खुलासा, खाने-पीने पर हुए विवाद में किया मर्डर; आरोपी गिरफ्तार

पन्ना के अमानगंज थाना क्षेत्र के ग्राम ककरहाई 22 फरवरी को गोली मारकर एक युवक की हत्या कर दी गई थी। पुलिस ने मामले का खुलासा करते हुए आरोपी दीपेंद्र सिंह बुन्देला को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने युवक बलीराम चौधरी (22) की हत्या के आरोप में आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। उसके पास से हत्या में इस्तेमाल किया गया अवैध हथियार भी बरामद कर लिया गया है। तलाशी के दौरान लावारिश हालत में मिली बाइक पुलिस के अनुसार, मृतक बलीराम चौधरी 22 फरवरी की रात करीब 2 बजे एक फोन आने के बाद अपनी बाइक से घर से निकला था। सुबह तक वापस न लौटने पर परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की। तलाश के दौरान बलीराम की बाइक ग्राम खिरवा हार में लावारिस मिली। दाहिनी आंख में गोली लगने के मिले निशान बाइक के पास ही अमान सिंह बुन्देला के खेत की झोपड़ी के बाहर बलीराम का शव बरामद हुआ। मृतक की दाहिनी आंख में गोली लगने के निशान थे। घटना की सूचना मिलते ही थाना प्रभारी उप निरीक्षक रवि सिंह जादौन के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई। खाने-पीने को लेकर दोनों में हुआ विवाद, दोस्त ने मारी गोली जांच के दौरान पुलिस ने डॉग स्क्वॉड और फिंगर प्रिंट विशेषज्ञों की मदद ली। गहन छानबीन के बाद पुलिस ने आरोपी दीपेंद्र सिंह बुन्देला को गिरफ्तार किया। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसने बलीराम को आधी रात को फोन कर बुलाया था। खाने-पीने को लेकर हुए विवाद के बाद उसने बलीराम की आंख में गोली मार दी। परिजनों ने आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए किया था चक्काजाम हत्या की जानकारी मिलने के बाद मृतक के परिजनों और ग्रामीणों में आक्रोश फैल गया। उन्होंने अमानगंज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के बाहर सैकड़ों की संख्या में एकत्र होकर चक्काजाम किया। प्रदर्शनकारियों की मांग थी कि आरोपी को जल्द गिरफ्तार कर कड़ी सजा दी जाए। उन्होंने मृतक की पत्नी के लिए जीवन निर्वाह भत्ते की भी मांग की, क्योंकि बलीराम चौधरी ही अपने परिवार का भरण-पोषण करते थे। करीब दो घंटे तक चले प्रदर्शन के बाद पुलिस के आश्वासन पर मामला शांत हुआ। झाड़ियों में छिपाकर रखा गया देसी कट्टा भी जब्त पुलिस को सूचना मिली कि घटना के समय संदेही दीपेंद्र सिंह बुंदेला को घटनास्थल के आसपास देखा गया था। जब संदेही को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई, तो उसने अपना जुर्म कुबूल कर लिया। ​आरोपी की निशानदेही पर झाड़ियों में छिपाकर रखा गया 12 बोर का देसी कट्टा और खाली खोखे बरामद किए गए। ​मृतक के अनुसूचित जाति वर्ग से होनी की वजह से पुलिस ने हत्या (धारा 103(1) BNS) के साथ-साथ SC/ST एक्ट और आर्म्स एक्ट की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। आरोपी को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया है। ​एएसपी बोली खाने-गुस्से में आकर किया मर्डर जब इस पूरे मामले पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक वंदना सिंह चौहान से बात की गई तो उन्होंने बताया कि मृतक बलिराम चौधरी और आरोपी दीपेंद्र सिंह बुंदेला के बीच खाने-पीने की किसी बात को लेकर विवाद हुआ था जिसके बाद आरोपी ने आवेश में आ कर बलिराम की हत्या कर दी थी।

'फैमिली एंटरटेनमेंट के लिए सही समय':एकता कपूर ने धुरंधर 2 और टॉक्सिक के तीन हफ्तों बाद ‘भूत बंगला’ रिलीज करने पर प्रतिक्रिया दी

'फैमिली एंटरटेनमेंट के लिए सही समय':एकता कपूर ने धुरंधर 2 और टॉक्सिक के तीन हफ्तों बाद ‘भूत बंगला’ रिलीज करने पर प्रतिक्रिया दी

प्रोड्यूसर एकता कपूर ने बुधवार को अपनी फिल्म भूत बंगला की रिलीज टाइमिंग पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने बताया कि फिल्म को ‘धुरंधर 2’ और ‘टॉक्सिक’ के कुछ हफ्तों बाद शेड्यूल करना फैमिली एंटरटेनमेंट और छुट्टियों के समय को ध्यान में रखकर किया गया है। गौरतलब है कि फिल्म धुरंधर ने दुनियाभर में 1300 करोड़ रुपए से ज्यादा की कमाई की है। अब फिल्म का दूसरा पार्ट 19 मार्च को रिलीज होगा, जो यश की फिल्म टॉक्सिक से बॉक्स ऑफिस पर क्लैश करेगा। वहीं, एकता कपूर की प्रोड्यूस की हुई फिल्म भूत बांग्ला 10 अप्रैल को रिलीज होगी। फिल्म की रिलीज डेट को लेकर एकता ने कहा, “हमारी फिल्म के रिलीज तक ‘धुरंधर 2’ और ‘टॉक्सिक’ अच्छा रन ले चुकी होंगी। उस समय कुछ स्कूलों के एग्जाम खत्म हो जाएंगे। हॉलिडे पीरियड भी रहेगा। मेरे बेटे के आईबी बोर्ड के एग्जाम मई में खत्म होंगे।” उन्होंने आगे कहा, “सबसे जरूरी बात यह है कि फैमिलीज ऐसी फिल्में देखना पसंद करती हैं। हमारा मकसद अलग तरह का एंटरटेनमेंट लाना है। दर्शकों के लिए अलग-अलग तरह की फिल्में बननी चाहिए।” ‘भूत बंगला’ के साथ प्रियदर्शन और अक्षय कुमार 14 साल बाद फिर साथ काम कर रहे हैं। फिल्म को बालाजी मोशन पिक्चर्स और केप ऑफ गुड फिल्म्स के साथ मिलकर प्रेजेंट किया जा रहा है। एकता कपूर ने इस जोड़ी को “सोलमेट्स” कहा। उन्होंने बताया, “यह विंटेज प्रियदर्शन और अक्षय सर वाली फिल्म है। जब हमने स्क्रिप्ट लिखी और अक्षय सर को सुनाई, उन्हें कहानी पसंद आई। हमने उनसे कहा कि हम चाहते हैं कि प्रियदर्शन ही इसे डायरेक्ट करें। उन्होंने तुरंत हामी भर दी।” उन्होंने कहा, “इसके बाद हम स्क्रिप्ट लेकर प्रियदर्शन सर के पास गए। उन्हें कहानी पसंद आई। उन्होंने कुछ बदलाव भी किए।” फिल्म में अक्षय कुमार के अलावा वामिका गब्बी, परेश रावल, तब्बू और राजपाल यादव नजर आएंगे। इसमें एक्टर असरानी भी होंगे, जिनका अक्टूबर 2025 में निधन हुआ था। एकता कपूर ने कहा, “राजपाल यादव, असरानी, परेश रावल, तब्बू और अक्षय सर प्रियदर्शन के साथ मजबूत कॉम्बिनेशन हैं।” फ्रेंचाइजी के सवाल पर उन्होंने कहा, “फ्रेंचाइजी पहले से प्लान नहीं होती। अगर फिल्म चलती है, तो खुद फ्रेंचाइजी बन जाती है।”

उज्जैन में महाकाल लोक के सामने होटल में भीषण आग:यात्रियों को सुरक्षित निकाला, दो दमकल ने दो घंटे में पाया आग पर काबू

उज्जैन में महाकाल लोक के सामने होटल में भीषण आग:यात्रियों को सुरक्षित निकाला, दो दमकल ने दो घंटे में पाया आग पर काबू

उज्जैन में बुधवार देर रात महाकाल लोक के सामने स्थित एक होटल में अचानक भीषण आग लगने से इलाके में अफरा-तफरी मच गई। गनीमत रही कि समय रहते होटल में ठहरे सभी यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जिससे कोई जनहानि नहीं हुई। हालांकि आग से होटल में भारी नुकसान हुआ है। तीसरी मंजिल पर भड़की आग घटना जयसिंहपुरा क्षेत्र स्थित संतोष पैलेस होटल की है। बुधवार रात करीब 11:30 बजे होटल की तीसरी मंजिल पर आग लग गई। आग की लपटें और धुआं उठता देख क्षेत्र में हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही चार दमकल वाहन मौके पर पहुंचे। फायर ब्रिगेड की दो गाड़ियों, महाकाल थाना पुलिस और स्थानीय लोगों की मदद से करीब दो घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। आग बुझाने के लिए फायर एक्सटिंगुइशर का भी उपयोग किया गया। पुलिस कर रही जांच महाकाल थाना टीआई गगन बादल ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची थी। करीब दो घंटे में आग पर काबू पा लिया गया। आग लगने के कारणों का अभी पता नहीं चल सका है। मामले में प्रकरण दर्ज कर जांच की जाएगी। फायर अधिकारी एलपी साहू ने बताया कि चार दमकल वाहन भेजे गए थे, लेकिन दो गाड़ियों से ही आग पर नियंत्रण पा लिया गया। युवाओं ने दिखाई बहादुरी आग लगने की घटना सबसे पहले कुछ स्थानीय मुस्लिम युवाओं ने देखी। उन्होंने तुरंत होटल प्रबंधन और क्षेत्रवासियों को सूचना दी। मोहम्मद अजान, मोहम्मद सलमान और मोईन खान ने सबसे पहले मौके पर पहुंचकर पानी और आग बुझाने के यंत्रों की मदद से आग पर काबू पाने का प्रयास किया। उनकी सतर्कता और साहस से बड़ा हादसा टल गया।

पीएम मोदी पर अश्लील पोस्ट को लेकर बीजेपी ने युवा कांग्रेस नेता के खिलाफ दर्ज कराई शिकायत: ‘अपमान…’ | राजनीति समाचार

VIROSH Wedding Live Updates: Rashmika Mandanna, Vijay Deverakonda are getting married in Udaipur. (Photo: X)

आखरी अपडेट:26 फरवरी, 2026, 09:57 IST एपस्टीन फाइलों से जुड़ी पीएम मोदी की एआई-जनरेटेड छवि साझा करने के लिए बीजेपी ने बिंदू गौड़ा के खिलाफ पुलिस शिकायत दर्ज की। पीएम नरेंद्र मोदी. (छवि: पीटीआई/फ़ाइल) भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधने वाली एक आपत्तिजनक और अपमानजनक सोशल मीडिया पोस्ट को लेकर कर्नाटक युवा कांग्रेस सचिव बिंदू गौड़ा के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है। भाजपा की सोशल मीडिया विंग द्वारा मल्लेश्वरम पुलिस स्टेशन में एक शिकायत दर्ज की गई थी, जिसमें आईवाईसी कर्नाटक सचिव के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की गई थी। भाजपा ने कहा कि 24 फरवरी को “बिंदु सिरा” नाम के एक फेसबुक अकाउंट से प्रधानमंत्री की एआई-जनरेटेड अर्ध-नग्न छवि साझा की गई थी। पार्टी ने आरोप लगाया है कि छवि प्रधान मंत्री को तथाकथित “एपस्टीन फाइल्स” से जोड़ती है और पोस्ट को “अशोभनीय” और एक संवैधानिक कार्यालय का अपमान बताया है। कर्नाटक भाजपा नेताओं ने मांग की है कि राज्य सरकार सख्त कार्रवाई करे और नफरत फैलाने वाले भाषण और अन्य अपराधों से संबंधित प्रासंगिक प्रावधानों के तहत कांग्रेस पदाधिकारी पर मामला दर्ज करे। भाजपा ने कथित पोस्ट को न केवल प्रधानमंत्री पर व्यक्तिगत बल्कि उनके संवैधानिक पद की गरिमा पर हमला करार दिया। एआई इम्पैक्ट समिट 2026 के दौरान भारत मंडपम के अंदर भारतीय युवा कांग्रेस (आईवाईसी) के “शर्टलेस विरोध” पर चल रहे विवाद के बीच यह बात सामने आई। एआई शिखर सम्मेलन में क्या हुआ? भारत ने दुनिया के सबसे बड़े कृत्रिम बुद्धिमत्ता सम्मेलन, एआई इम्पैक्ट समिट-2026 की मेजबानी की। 16 फरवरी को शुरू हुए शिखर सम्मेलन में तकनीकी दिग्गजों, उद्योग जगत के नेताओं, नीति निर्माताओं, संस्थापकों और प्रौद्योगिकीविदों की भारत मंडपम में भीड़ के कारण हॉल खचाखच भरे थे और लंबी कतारें देखी गईं। कांग्रेस की युवा शाखा के लगभग 10 कार्यकर्ताओं ने नई दिल्ली में एआई शिखर सम्मेलन स्थल में प्रवेश किया और भारत-अमेरिका व्यापार समझौते पर प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ नारे लगाते हुए शर्टलेस विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने पीएम मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की तस्वीरों के साथ सरकार पर निशाना साधने वाले नारे छपी सफेद टी-शर्ट पहनी या ली। विरोध प्रदर्शन ने एक राजनीतिक विवाद खड़ा कर दिया, भाजपा नेताओं ने इसे “राष्ट्र-विरोधी” बताया और कांग्रेस पर भारत की वैश्विक छवि को नुकसान पहुंचाने का आरोप लगाया, जबकि कांग्रेस ने प्रदर्शन का बचाव करते हुए कहा कि यह वैध लोकतांत्रिक असहमति है जो युवाओं के गुस्से को दर्शाता है। पहले प्रकाशित: 26 फरवरी, 2026, 09:57 IST समाचार राजनीति पीएम मोदी पर अश्लील पोस्ट को लेकर बीजेपी ने युवा कांग्रेस नेता के खिलाफ दर्ज कराई शिकायत: ‘अपमान…’ अस्वीकरण: टिप्पणियाँ उपयोगकर्ताओं के विचार दर्शाती हैं, News18 के नहीं। कृपया चर्चाएँ सम्मानजनक और रचनात्मक रखें। अपमानजनक, मानहानिकारक, या अवैध टिप्पणियाँ हटा दी जाएंगी। News18 अपने विवेक से किसी भी टिप्पणी को अक्षम कर सकता है. पोस्ट करके, आप हमारी उपयोग की शर्तों और गोपनीयता नीति से सहमत होते हैं। और पढ़ें (टैग्सटूट्रांसलेट)बीजेपी पुलिस शिकायत(टी)कर्नाटक युवा कांग्रेस(टी)बिंदु गौड़ा(टी)आपत्तिजनक सोशल मीडिया पोस्ट(टी)नरेंद्र मोदी विवाद(टी)एआई-जनित छवि(टी)एपस्टीन फ़ाइलें(टी)भारत मंडपम विरोध

राजस्थान के मंत्री ने कथित तौर पर विधानसभा के अंदर थूका, विपक्ष का विरोध | वीडियो | राजनीति समाचार

VIROSH Wedding Live Updates: Rashmika Mandanna, Vijay Deverakonda are getting married in Udaipur. (Photo: X)

आखरी अपडेट:26 फरवरी, 2026, 09:13 IST मंत्री झाबर सिंह खर्रा ने कथित तौर पर राजस्थान विधानसभा के अंदर थूक दिया, जिससे सदन के अंदर आचरण और शिष्टाचार पर बहस छिड़ गई। राजस्थान के मंत्री झाबर सिंह खर्रा ने कथित तौर पर विधानसभा के अंदर थूक दिया राजस्थान के शहरी विकास और आवास (यूडीएच) मंत्री झाबर सिंह खर्रा ने विपक्षी दलों के एक सवाल का जवाब देते समय राज्य विधानसभा के अंदर कथित तौर पर झगड़ने के बाद राजनीतिक हलचल पैदा कर दी। कैमरे में कैद हुई घटना में खर्रा को स्पीकर को संबोधित करते समय कथित तौर पर सदन के अंदर थूकते हुए दिखाया गया है। इस प्रकरण ने सदन के अंदर जन प्रतिनिधियों के आचरण और शिष्टाचार पर बहस शुरू कर दी है, विपक्षी सदस्यों ने इस अधिनियम को विधानसभा की गरिमा का उल्लंघन बताया है। उन्होंने मांग की है कि मंत्री के खिलाफ विधानसभा नियमों के मुताबिक कार्रवाई की जाये. इस बीच, विधायी अधिकारियों से मामले की समीक्षा करने और आगे की कार्रवाई पर विचार-विमर्श करने की उम्मीद है। कौन हैं झाबर सिंह खर्रा? अनुभवी राजनेता हरलाल सिंह खर्रा के बेटे, झाबर सिंह खर्रा भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता हैं, जो राजस्थान में श्रीमाधोपुर निर्वाचन क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करते हैं। 2013 और 2018 के बीच, उन्होंने श्रीमाधोपुर से विधान सभा सदस्य (एमएलए) के रूप में कार्य किया और 2023 में एक बार फिर, वह निर्वाचन क्षेत्र से विधानसभा के लिए चुने गए। पहले प्रकाशित: 26 फरवरी, 2026, 09:13 IST समाचार राजनीति राजस्थान के मंत्री ने कथित तौर पर विधानसभा के अंदर थूका, विपक्ष का विरोध | वीडियो अस्वीकरण: टिप्पणियाँ उपयोगकर्ताओं के विचार दर्शाती हैं, News18 के नहीं। कृपया चर्चाएँ सम्मानजनक और रचनात्मक रखें। अपमानजनक, मानहानिकारक, या अवैध टिप्पणियाँ हटा दी जाएंगी। News18 अपने विवेक से किसी भी टिप्पणी को अक्षम कर सकता है. पोस्ट करके, आप हमारी उपयोग की शर्तों और गोपनीयता नीति से सहमत होते हैं। और पढ़ें (टैग्सटूट्रांसलेट)झाबर सिंह खर्रा(टी)राजस्थान यूडीएच मंत्री(टी)राजस्थान विधानसभा घटना(टी)राजनीतिक विवाद राजस्थान(टी)विधानसभा मर्यादा(टी)विपक्ष का विरोध राजस्थान(टी)श्रीमाधोपुर विधायक(टी)बीजेपी राजस्थान

‘ना जाने कौन आ गया’ सादगी भरी प्रेम कहानी:जतीन सरना, मधुरिमा रॉय और प्रणय पचौरी ने प्यार, आत्ममंथन और सादगी पर खुलकर की बात

‘ना जाने कौन आ गया’ सादगी भरी प्रेम कहानी:जतीन सरना, मधुरिमा रॉय और प्रणय पचौरी ने प्यार, आत्ममंथन और सादगी पर खुलकर की बात

6 मार्च को रिलीज हो रही फिल्म ‘ना जाने कौन आ गया’ एक सादगी भरी लव स्टोरी है, जो रिश्तों की जटिलताओं, आत्ममंथन और प्यार की मासूमियत को बड़े पर्दे पर पेश करती है। पहाड़ों की खूबसूरत वादियों में फिल्माई गई यह कहानी आज के दौर के टॉक्सिक माहौल में प्यार और संवेदनशीलता की बात करती है। फिल्म में जतीन सरना, मधुरिमा रॉय और प्रणय पचौरी अहम भूमिकाओं में नजर आएंगे। फिल्म की रिलीज से पहले दैनिक भास्कर ने स्टारकास्ट से खास बातचीत की। कलाकारों ने अपने किरदार, शूटिंग के अनुभव और फिल्म के संदेश को लेकर खुलकर बातें की हैं। स्क्रिप्ट पढ़ते ही ऐसा कौन-सा पहलू था जिसने आपको महसूस कराया कि यह फिल्म आपको जरूर करनी चाहिए? जतीन सरना- मेरे किरदार की सादगी ने मुझे सबसे ज्यादा आकर्षित किया। वो एक आम इंसान है, जो जिंदगी को जीने के बजाय सिर्फ सर्वाइव करने में फंसा रहता है। ऐसे लोगों का दर्द, उनकी मासूमियत और जिंदगी को बस जी लेने की चाह यही मुझे छू गया। एक अभिनेता के तौर पर मुझे लगा कि यह एक नया और अनछुआ किरदार है। निर्देशक विकास ने जिस तरह कहानी सुनाई, उसी वक्त तय कर लिया कि यह फिल्म करनी है। ट्रेलर में हेट, लव और बिट्रेयल की झलक दिखती है। क्या आप इससे रियल लाइफ में रिलेट करते हैं? जतीन सरना- जहां प्यार होगा, वहां नफरत भी होगी, धोखा भी और अफसोस भी। लेकिन जिंदगी की खूबसूरती इन्हीं भावनाओं को समझकर आगे बढ़ने में है। यही जीवन का चक्र है। इस फिल्म में आपका किरदार पहले निभाए गए रोल्स से किस तरह अलग है, और उसे पर्दे पर उतारना आपके लिए कितना चुनौतीपूर्ण रहा? मधुरिमा रॉय- मेरे पिछले किरदारों में डार्क शेड्स ज्यादा थे, लेकिन इस फिल्म में मेरा किरदार बहुत मासूम और पॉजिटिव है। वह कमरे में आती है तो माहौल बदल देती है। उसकी सरलता और बचपना निभाना आसान नहीं था। सादगी को निभाना, नेगेटिव किरदारों से कहीं ज्यादा चुनौतीपूर्ण होता है। आज के युवाओं के लिए फिल्म क्या संदेश देती है? मधुरिमा रॉय- आज सोशल मीडिया और डेटिंग ऐप्स के दौर में रिश्ते बहुत कॉम्प्लिकेटेड हो गए हैं। हम हर चीज को ‘लव बॉम्बिंग’, ‘घोस्टिंग’ जैसे टर्म्स में बांट देते हैं। हमारी फिल्म कहती है थोड़ा रुकिए, खुद को समझिए। हर गलती सामने वाले की नहीं होती, कभी-कभी हमें भी खुद में झांकने की जरूरत होती है। प्यार में पवित्रता और सादगी को फिर से महसूस कीजिए। स्क्रिप्ट सुनते ही आपके मन में पहली प्रतिक्रिया क्या थी, और किस बात ने आपको इस फिल्म का हिस्सा बनने के लिए सबसे ज्यादा उत्साहित किया? प्रणय पचौरी- मुझे बताया गया कि सोचिए अगर ओशो पहाड़ों में एक आम इंसान की तरह रहते तो कैसे होते। यह सुनकर मैं उत्साहित हो गया। एक पहाड़ी लड़का, जो जीप चलाता है, बच्चों को पढ़ाता है और एक लव ट्रायंगल का हिस्सा है यह कॉम्बिनेशन दिलचस्प लगा। साथ ही पहाड़ों में शूटिंग का अनुभव बेहद खास रहा। ठंड, मौसम और लोकेशन की चुनौतियों के बावजूद सेट पर परिवार जैसा माहौल था। रिलीज से पहले दर्शकों के लिए आपका एक संदेश आखिर 6 मार्च को वे आपकी फिल्म देखने सिनेमाघर क्यों जाएं? जतीन सरना- हमने दिल से फिल्म बनाई है। अब इसे पार लगाने की जिम्मेदारी दर्शकों की है। बस एक मौका दीजिए 6 मार्च को सिनेमाघरों में जाकर फिल्म देखिए। मधुरिमा रॉय- आज के टॉक्सिक माहौल में प्यार ही एक ऐसी चीज है जो दुनिया को सॉफ्ट बना सकती है। यह फिल्म उसी सादगी और मासूमियत की बात करती है। प्रणय पचौरी- बहुत समय बाद एक सिंपल लव स्टोरी आई है। यह फिल्म प्यार को समझने और सेलिब्रेट करने की कोशिश है। उम्मीद है दर्शक इसे अपनाएंगे।

‘ना जाने कौन आ गया’ सादगी भरी प्रेम कहानी:जतीन सरना, मधुरिमा रॉय और प्रणय पचौरी ने प्यार, आत्ममंथन और सादगी पर खुलकर की बात

‘ना जाने कौन आ गया’ सादगी भरी प्रेम कहानी:जतीन सरना, मधुरिमा रॉय और प्रणय पचौरी ने प्यार, आत्ममंथन और सादगी पर खुलकर की बात

6 मार्च को रिलीज हो रही फिल्म ‘ना जाने कौन आ गया’ एक सादगी भरी लव स्टोरी है, जो रिश्तों की जटिलताओं, आत्ममंथन और प्यार की मासूमियत को बड़े पर्दे पर पेश करती है। पहाड़ों की खूबसूरत वादियों में फिल्माई गई यह कहानी आज के दौर के टॉक्सिक माहौल में प्यार और संवेदनशीलता की बात करती है। फिल्म में जतीन सरना, मधुरिमा रॉय और प्रणय पचौरी अहम भूमिकाओं में नजर आएंगे। फिल्म की रिलीज से पहले दैनिक भास्कर ने स्टारकास्ट से खास बातचीत की। कलाकारों ने अपने किरदार, शूटिंग के अनुभव और फिल्म के संदेश को लेकर खुलकर बातें की हैं। स्क्रिप्ट पढ़ते ही ऐसा कौन-सा पहलू था जिसने आपको महसूस कराया कि यह फिल्म आपको जरूर करनी चाहिए? जतीन सरना- मेरे किरदार की सादगी ने मुझे सबसे ज्यादा आकर्षित किया। वो एक आम इंसान है, जो जिंदगी को जीने के बजाय सिर्फ सर्वाइव करने में फंसा रहता है। ऐसे लोगों का दर्द, उनकी मासूमियत और जिंदगी को बस जी लेने की चाह यही मुझे छू गया। एक अभिनेता के तौर पर मुझे लगा कि यह एक नया और अनछुआ किरदार है। निर्देशक विकास ने जिस तरह कहानी सुनाई, उसी वक्त तय कर लिया कि यह फिल्म करनी है। ट्रेलर में हेट, लव और बिट्रेयल की झलक दिखती है। क्या आप इससे रियल लाइफ में रिलेट करते हैं? जतीन सरना- जहां प्यार होगा, वहां नफरत भी होगी, धोखा भी और अफसोस भी। लेकिन जिंदगी की खूबसूरती इन्हीं भावनाओं को समझकर आगे बढ़ने में है। यही जीवन का चक्र है। इस फिल्म में आपका किरदार पहले निभाए गए रोल्स से किस तरह अलग है, और उसे पर्दे पर उतारना आपके लिए कितना चुनौतीपूर्ण रहा? मधुरिमा रॉय- मेरे पिछले किरदारों में डार्क शेड्स ज्यादा थे, लेकिन इस फिल्म में मेरा किरदार बहुत मासूम और पॉजिटिव है। वह कमरे में आती है तो माहौल बदल देती है। उसकी सरलता और बचपना निभाना आसान नहीं था। सादगी को निभाना, नेगेटिव किरदारों से कहीं ज्यादा चुनौतीपूर्ण होता है। आज के युवाओं के लिए फिल्म क्या संदेश देती है? मधुरिमा रॉय- आज सोशल मीडिया और डेटिंग ऐप्स के दौर में रिश्ते बहुत कॉम्प्लिकेटेड हो गए हैं। हम हर चीज को ‘लव बॉम्बिंग’, ‘घोस्टिंग’ जैसे टर्म्स में बांट देते हैं। हमारी फिल्म कहती है थोड़ा रुकिए, खुद को समझिए। हर गलती सामने वाले की नहीं होती, कभी-कभी हमें भी खुद में झांकने की जरूरत होती है। प्यार में पवित्रता और सादगी को फिर से महसूस कीजिए। स्क्रिप्ट सुनते ही आपके मन में पहली प्रतिक्रिया क्या थी, और किस बात ने आपको इस फिल्म का हिस्सा बनने के लिए सबसे ज्यादा उत्साहित किया? प्रणय पचौरी- मुझे बताया गया कि सोचिए अगर ओशो पहाड़ों में एक आम इंसान की तरह रहते तो कैसे होते। यह सुनकर मैं उत्साहित हो गया। एक पहाड़ी लड़का, जो जीप चलाता है, बच्चों को पढ़ाता है और एक लव ट्रायंगल का हिस्सा है यह कॉम्बिनेशन दिलचस्प लगा। साथ ही पहाड़ों में शूटिंग का अनुभव बेहद खास रहा। ठंड, मौसम और लोकेशन की चुनौतियों के बावजूद सेट पर परिवार जैसा माहौल था। रिलीज से पहले दर्शकों के लिए आपका एक संदेश आखिर 6 मार्च को वे आपकी फिल्म देखने सिनेमाघर क्यों जाएं? जतीन सरना- हमने दिल से फिल्म बनाई है। अब इसे पार लगाने की जिम्मेदारी दर्शकों की है। बस एक मौका दीजिए 6 मार्च को सिनेमाघरों में जाकर फिल्म देखिए। मधुरिमा रॉय- आज के टॉक्सिक माहौल में प्यार ही एक ऐसी चीज है जो दुनिया को सॉफ्ट बना सकती है। यह फिल्म उसी सादगी और मासूमियत की बात करती है। प्रणय पचौरी- बहुत समय बाद एक सिंपल लव स्टोरी आई है। यह फिल्म प्यार को समझने और सेलिब्रेट करने की कोशिश है। उम्मीद है दर्शक इसे अपनाएंगे।

NCERT किताब में ‘ज्यूडीशियल करप्शन’ चैप्टर पर आज सुनवाई:सुप्रीम कोर्ट ने खुद संज्ञान लिया; CJI बोले- न्यायपालिका को बदनाम करने की इजाजत नहीं देंगे

NCERT किताब में ‘ज्यूडीशियल करप्शन’ चैप्टर पर आज सुनवाई:सुप्रीम कोर्ट ने खुद संज्ञान लिया; CJI बोले- न्यायपालिका को बदनाम करने की इजाजत नहीं देंगे

सुप्रीम कोर्ट गुरुवार को NCERT के क्लास 8 की सोशल साइंस की किताब में न्यायपालिका में भ्रष्टाचार से जुड़े चैप्टर को लेकर विवाद पर सुनवाई करेगा। कोर्ट ने बुधवार को मामले पर खुद संज्ञान लिया था। CJI सूर्यकांत के साथ जस्टिस जॉयमाल्या बागची और जस्टिस विपुल एम. पंचोली की बेंच सुनवाई करेगी। बुधवार को CJI ने इस मामले पर कड़ी आपत्ति जताई थी। उन्होंने कहा कि न्यायपालिका को बदनाम करने या उसकी निष्पक्षता पर सवाल उठाने की इजाजत किसी को नहीं दी जाएगी। इससे पहले सीनियर एडवोकेट कपिल सिब्बल ने अभिषेक सिंघवी के साथ मामले का जिक्र करते हुए तत्काल सुनवाई की मांग की थी। इसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने मामले पर स्वत: संज्ञान लिया। सुप्रीम कोर्ट की नाराजगी के बाद बुधवार शाम NCERT ने अपनी वेबसाइट से किताब को हटा लिया। सूत्रों के अनुसार, किताब से विवादित चैप्टर हटाया जा सकता है। सरकार ने भी किताब में ज्यूडीशियल करप्शन शामिल करने पर आपत्ति जताई है। सरकार ने कहा- शासन के तीनों अंगों को जोड़ना चाहिए था NCERT चेयरमैन दिनेश प्रसाद सकलानी का इस मुद्दे पर कोई जवाब नहीं आया है। काउंसिल के एक सीनियर अधिकारी ने कहा कि मामला अब कोर्ट में विचाराधीन है। इसलिए वे इस मुद्दे पर कुछ भी नहीं बोंलेंगे। इस बीच सरकारी सूत्रों ने कहा कि भले ही NCERT एक ऑटोनॉमस संस्था है, लेकिन चैप्टर जोड़ने से पहले अधिकारियों को ध्यान देना चाहिए था। सरकारी सूत्रों ने कहा कि अगर भ्रष्टाचार का मुद्दा शामिल करना था, तो उसमें शासन के तीनों अंगों- कार्यपालिका, न्यायपालिका और विधायिका को भी जोड़ा जाना चाहिए था। सरकारी सूत्रों ने कहा कि न्यायपालिका में भ्रष्टाचार से संबंधित आंकड़े संसदीय अभिलेखों और नेशनल ज्यूडिशियल डेटा ग्रिड में मौजूद हैं, लेकिन फैक्ट्स के क्रॉस वेरिफिकेशन के लिए केंद्र से परामर्श नहीं लिया गया। विवादित चैप्टर NCERT की नई सोशल साइंस टेक्स्टबुक में था NCERT ने 23 फरवरी को क्लास 8 के स्टूडेंट्स के लिए सोशल साइंस की नई टेक्‍स्‍टबुक जारी की थी। किताब का नाम ‘एक्सप्लोरिंग सोसायटी: इंडिया एंड बियॉन्ड पार्ट 2’ है। इसमें ‘द रोल ऑफ द ज्यूडीशियरी इन अवर सोसायटी’ चैप्टर के अंदर ‘करप्‍शन इन द ज्‍यूडिशियरी’ का टॉपिक जोड़ा गया है। इसमें कहा गया है कि भ्रष्टाचार, बड़ी संख्या में पेंडिंग मामले और जजों की भारी कमी ज्‍यूडिशियल सिस्टम के सामने प्रमुख चुनौतियों में शामिल हैं। जज आचार संहिता से बंधे होते हैं, जो न केवल कोर्ट में उनके व्यवहार को कंट्रोल करता है, बल्कि कोर्च के बाहर उनके आचरण को भी तय करती है। एक टॉपिक का टाइटल- इंसाफ में देरी इंसाफ न मिलने जैसा किताब के एक सेक्शन का टाइटल ‘Justice delayed is justice denied’ है। इसका मतलब है- इंसाफ में देरी इंसाफ न मिलने जैसा है। यहां सुप्रीम कोर्ट में 81 हजार, हाईकोर्ट्स में 62 लाख 40 हजार, डिस्ट्रिक्ट और सबऑर्डिनेट कोर्ट के 4 करोड़ 70 लाख पेंडिंग केस की संख्या भी बताई गई है। ये किताब एकेडमिक सेशन 2026-27 से स्‍कूलों में पढ़ाई जानी थी। इसका पहला पार्ट जुलाई 2025 में रिलीज किया गया था। NCERT ने नेशनल करिकुलम फ्रेमवर्क यानी NCF और NEP-2020 के तहत सभी क्‍लासेज की नई किताबें तैयार की हैं। कोरोना महामारी के बाद पुरानी किताबों के टॉपिक्‍स को बदलकर नए टॉपिक्‍स किताबों में जोड़े जा रहे हैं। पहली से 8वीं क्लास तक की नई किताबें 2025 में ही पब्लिश की जा चुकी हैं। किताब का वो हिस्सा जिसमें करप्शन और पेंडिंग केस का जिक्र… नई किताब में ज्यूडीशियरी से जुड़े अहम पॉइंट्स… किताब में पूर्व CJI बीआर गवई का भी जिक्र किताब में भारत के पूर्व चीफ जस्टिस बीआर गवई का भी जिक्र है, जिन्होंने जुलाई 2025 में कहा था कि ज्यूडिशियरी के अंदर करप्शन और गलत कामों के मामलों का पब्लिक ट्रस्ट पर बुरा असर पड़ता है। उन्होंने कहा था, “हालांकि, इस ट्रस्ट को फिर से बनाने का रास्ता इन मुद्दों को सुलझाने के लिए उठाए गए तेज, निर्णायक और ट्रांसपेरेंट एक्शन में है… ट्रांसपेरेंसी और अकाउंटेबिलिटी डेमोक्रेटिक गुण हैं।” —————————— ये खबर भी पढ़ें… NCERT ने 8वीं क्लास की सोशल साइंस की किताब में जोड़ा न्यायपालिक से जुड़ा सेक्शन नेशनल काउंसिल ऑफ एजुकेशनल रिसर्च एंड ट्रेनिंग (NCERT) ने पहली बार 8वीं के बच्चों के लिए ज्यूडीशियरी में करप्शन के बारे में पढ़ाने का फैसला लिया गया। यह पिछले एडिशन के मुकाबले बड़ा बदलाव था। पिछले चैप्टर में ज्यादातर कोर्ट के स्ट्रक्चर और रोल पर फोकस किया गया था। बदले हुए चैप्टर का नाम ‘हमारे समाज में ज्यूडिशियरी की भूमिका’ रखा गया। पढ़ें पूरी खबर…

कनाडा में ग्रूमिंग गैंग के टारगेट पर पंजाबी लड़कियां:लालच-डर दिखाकर साथ सोने को करते मजबूर; युवकों के साथ रेस्टोरेंट मैनेजर-लैंडलॉर्ड भी शामिल

कनाडा में ग्रूमिंग गैंग के टारगेट पर पंजाबी लड़कियां:लालच-डर दिखाकर साथ सोने को करते मजबूर; युवकों के साथ रेस्टोरेंट मैनेजर-लैंडलॉर्ड भी शामिल

कनाडा में पंजाबी लड़कियां ग्रूमिंग गैंग के टारगेट पर हैं। यह गैंग स्टडी वीजा पर आईं युवतियों के साथ कई तरह के लालच देकर उन्हें फंसाता है। फिर उन्हें साथ सोने के लिए मजबूर करता है। इसके लिए युवकों ने बाकायदा वॉट्सऐप ग्रुप तक बनाए हुए हैं। ऐसा ही एक युवक इस ग्रुप से बाहर निकला तो उसने इसकी पूरी कहानी बता दी। कनाडा में द कौर मूवमेंट की फाउंडर गुरप्रीत कौर ने कनाडा के एक रेडियो चैनल पर इसका खुलासा किया। गुरप्रीत ने कहा कि इसमें सिर्फ युवक ही नहीं बल्कि घर के मालिक यानी लैंडलॉर्ड, रेस्टोरेंट ऑनर या मैनेजर के अलावा कंपनी के लोग तक शामिल हैं। वह कभी फीस चुकाने-किराया माफ करने का लालच देते हैं तो कभी जॉब देने का, जिसके चक्कर में युवतियां फंस जाती हैं। यहां तक कि उनका बिल भरने का लालच भी दिया जाता है। कोई नहीं मानती तो उसे घर या देश से निकालने का भी डर दिखाया जाता है। लड़कियों को कैसे टारगेट करते ग्रूमिंग गैंग 150 लड़कों का ग्रूमिंग ग्रुप का कॉलेजों में जाल द कौर मूवमेंट की संस्थापक गुरप्रीत कौर बताती हैं कि सरे और टोरंटो जैसे शहरों में व्हाट्सएप पर ऐसे व्हाट्सएप ग्रुप चल रहे हैं जिनमें लगभग 150 लड़के शामिल हैं। इन ग्रुप्स का एजेंडा उन पंजाबी लड़कियों को निशाना बनाना है जो आर्थिक रूप से कमजोर हैं या विदेश में अकेली रह रही हैं। ये लड़के अक्सर कॉलेजों में दोस्त बनकर लड़कियों के करीब आते हैं और उनकी पर्सनल जानकारी जुटाते हैं। इसके बाद वे उस जानकारी को अपने ग्रुप में शेयर करते हैं। उनके लिए लड़कियों का शोषण गेम बन गया है। गुरप्रीत कौर ने बताया कि लड़कों का मकसद उन लड़कियों को टारगेट करना है जो अकेली आई हैं। उन्हें कोई फर्क नहीं पड़ता, वे बस आपके साथ सोना चाहते हैं। उनका मेन मकसद यही होता है कि वे आपके साथ सोएं या फिर यह एक गेम बनाया हुआ है कि लेट्स सी (चलो देखो) कि हम क्या कर सकते हैं। रूम रेंट भरने या कैश का दिया जा रहा लालच गुरप्रीत कौर कहती हैं कि पंजाबी के साथ दूसरे देशों की लड़कियों का फिजिकल शोषण ट्रैप लगाकर किया जाता है। लड़कियों की मजबूरी का फायदा उठाते हुए उन्हें यह लालच दिया जाता है कि यदि वे शारीरिक संबंध बनाएंगी तो उनका रूम रेंट भर दिया जाएगा या कैश पैसा दे देंगे। रेस्टोरेंट पर भी यह बहुत आम है। मैनेजर्स लड़कियों को घंटे देने या डबल पैसे देने का वादा करते हैं, बशर्ते लड़कियां उनके साथ सोएं। यहां तक कि शादीशुदा मकान मालिक भी कॉलेज स्टूडेंट्स का फायदा उठाते हैं। बदनामी के डर से आवाज नहीं उठा रहीं लड़कियां गुरप्रीत कौर बताती हैं कि इस पूरी समस्या की जड़ इंडियन लोगों की सोच और लोग क्या कहेंगे का डर है। गुरप्रीत बताती हैं कि 12 फीसदी यौन शोषण के मामले परिवार के अंदर से आ रहे हैं। कनाडा की फैमिली में भी बुरा हाल है। कनाडा की लड़कियां तो सामने आ जाती हैं लेकिन इंडियन लड़कियां बदनामी के डर से चुप रह जाती हैं। कई बार पंजाब में बैठे माता-पिता का कर्ज उताने का दबाव भी गलत रास्तों पर धकेल देता है। गुरप्रीत ने कहा कि कनाडा में रह रही लड़कियों के पास माता-पिता को आना चाहिए ताकि जहां पर वे रेंट पर रह रही हैं, वहां डर रहे। कॉलेजों में लड़कियों के साथ बनाते दोस्ती ग्रुप में शामिल लड़के या तो खुद कॉलेज में लड़की से मिले होते हैं या फिर दोस्तों जरिए कनेक्ट कर लेते हैं। लड़की को लेकर आने वाले को भी कुछ न कुछ लालच दिा जाता है। इसलिए सब कनेक्टेड रहते हैं। गुरप्रीत कौर ने बताया कि सरे वाले ग्रुप में एक लड़का था और जब वह उस ग्रुप में गया तो उसे पता नहीं था कि यहां ये सब चल रहा है। उसने किसी तरीके से ग्रुप छोड़ दिया और सारी इन्फॉर्मेशन दी। गुरप्रीत कौर ने बताया कि इस तरह से लड़कियों के फिजिकल शोषण के लिए कनाडा में सख्त कानून हैं, लेकिन दुख इस बात का है कि अकसर ऐसे मामले तभी सामने आते हैं जब रेप हो चुका होता है। पंजाब में भी ग्रूमिंग गैंग का चलन बढ़ रहा पंजाब में भी ग्रूमिंग गैंग के निशाने पर पंजाबी लड़कियां हैं। इसे लेकर निहंग अकाली गज्ज सिंह नामक अकाउंस से वीडियो शेयर कर चिंता जताई गई है। वीडियो में दावा किया गया है कि ये पंजाब का वीडियो है। इसमें एड्रेस को छिपाते हुए मुस्लिम लड़के के साथ रोजा खोलती सिख लड़की दिखाई गई है। निहंग सिंह ने दावा किया कि देख लो पंजाब में ग्रूमिंम कैसे होती है। हमारे पंजाब की बेटी रोजा खोल रही है जैसे इसकी बुआ की शादी हो। इसी तरह की हरकतों से पूरे सिख पंथ पर बात आ जाती है। दूसरे लोग तो जान-बूझकर ऐसी वीडियो डालते हैं ताकि लोग देखें कि कैसे हम तुम्हारी बेटियों को बदल रहे हैं। इसे तो गुरबाणी में से मूल मंत्र भी ढंग से नहीं आता होगा। इसे पूछना चाहिए कि तुम्हारी ये क्या करतूत है। निहंग सिंह ने कहा कि हम इसलिए बोल रहे हैं कि ये पंजाबी लड़की है, वरना ये कहीं भी चली जाए हमें फर्क नहीं पड़ता।