Monday, 24 Aug 2026 | 10:34 AM

Trending :

Iran To Collect Toll From Ships In Hormuz Strait ईरान होर्मुज में जहाजों से टोल वसूलेगा, संसद की मंजूरी:रियाल और पसंद की करेंसी में पेमेंट लेगा; बदले में सुरक्षा और इंश्योरेंस देगा आसिम रियाज बोले- मैंने किसी का धर्म नहीं बदलवाया:हिमांशी खुराना के आरोपों पर तोड़ी चुप्पी; बोले- वे पब्लिसिटी के लिए धर्म का इस्तेमाल कर रहीं आसिम रियाज बोले- मैंने किसी का धर्म नहीं बदलवाया:हिमांशी खुराना के आरोपों पर तोड़ी चुप्पी; बोले- वे पब्लिसिटी के लिए धर्म का इस्तेमाल कर रहीं केरल की केजिया लीज मेजो बनीं मिस यूनिवर्स इंडिया:इंटरनेशनल लेवल पर भारत का प्रतिनिधित्व करेंगी, सुष्मिता सेन और उर्वशी रौतेला बनी जज Badminton World Championship Bronze | Jaishankar Russia Visit News
EXCLUSIVE

सोमी अली ने किया गोविंदा का सपोर्ट:सुनीता के आधी उम्र की लड़की के साथ घूमने वाले बयान पर कहा- वो रोजी-रोटी कमाने में लगे हैं

Google Preferred Source CTA

गोविंदा इन दिनों पत्नी सुनीता आहूजा के बयानों से सुर्खियों में हैं। गोविंदा के कम उम्र की को-एक्ट्रेस के साथ दिखने पर सुनीता ने अफेयर का हिंट दिया और कहा कि गोविंदा को बेटी की उम्र की लड़की के साथ घूमने पर शर्म आनी चाहिए। गोविंदा ने भी सुनीता को हद में रहने की चेतावनी दी। अब गोविंदा की पूर्व को-एक्ट्रेस सोमी अली उनके बचाव में उतरी हैं। उनका कहना है कि टैलेंट की कोई उम्र नहीं होती। सोमी अली ने गोविंदा के साथ कुछ पुरानी तस्वीरें शेयर कर बचाव में लिखा है, ‘चिची (गोविंदा) हिंदी फिल्म इंडस्ट्री के सबसे बेहतरीन टैलेंटेड कलाकारों में से एक हैं। अपने इंडस्ट्री के समय में मैंने उन्हें सबसे विनम्र एक्टर्स में से एक पाया है। मेरे मन में चिची और सुनीता, दोनों के लिए बहुत सम्मान है। हालांकि, किसी एक्टर का किसी कम उम्र की एक्ट्रेस के साथ काम करना उम्र को लेकर भेदभाव नहीं है।’ आगे सोमी ने कहा, ‘टैलेंट की कोई उम्र नहीं होती। ऐसे समय में जब किसी कलाकार के लिए काम मिलना मुश्किल हो, तब भी काम करते रहने का फैसला सम्मान के लायक है, मजाक उड़ाने के नहीं। किसी एक्टर की काबिलियत उसकी उम्र या उसके को-स्टार की उम्र से तय नहीं होती। उसकी पहचान उसके टैलेंट, प्रोफेशनल रवैये और लगातार काम करते रहने की इच्छा से होती है। जब किसी कलाकार के लिए इंडस्ट्री के दरवाजे खुलना मुश्किल हो रहा हो और उसे दोबारा काम करने का मौका मिले, तो उस मौके का जश्न मनाना चाहिए।’ आखिर में सोमी ने कहा, ‘सिर्फ इसलिए कि कोई उम्रदराज है, उसकी उम्र को उसके खिलाफ हथियार नहीं बनाया जाना चाहिए, खासकर तब जब वह सिर्फ अपनी रोजी-रोटी कमाने और उस काम को जारी रखने की कोशिश कर रहा हो जिसे वह प्यार करता है। शायद किसी एक्टर की सबसे सराहनीय बात यही होती है कि जब इंडस्ट्री या दूसरे लोग उसे यह कहने लगें कि अब वह बहुत बूढ़ा हो गया है, तब भी वह हार मानने से इनकार करे।’ अफेयर के बयान पर गोविंदा ने सुनीता के लिए कहा- हद में रहो हाल ही में गोविंदा ने सुनीता पर कहा- ‘जो काम बाहर मिलता है, वो मैं करता नहीं हूं और जो मैं कर रहा हूं, उसमें आप (सुनीता) हस्तक्षेप कर रही हैं। जिस वक्त मैंने फिल्म शुरू की है, आप एक भी कसर नहीं छोड़ रही हैं कि मैं लोगों के दिल से उतर जाऊं बदनाम हो जाऊं, या कुछ ऐसा हो जाए कि मेरा बिजनेस न हो।’ गोविंदा ने इस दौरान को-एक्ट्रेस कोमल रानी स्वर्णकर का बचाव करते हुए कहा, ‘कोई गरीब परिवार के लोग अगर फिल्म में आए हैं, तो उन्हें इस तरह बदनाम या लज्जित न कीजिए कि वो भाग जाएं। आप में क्षमता है, ताकत है, इज्जत, दौलत, शोहरत, सब दिया है ऊपर वाले ने। इसका मतलब ये नहीं कि जिसके पास ये नहीं है आप उसे जलील करें। ये आप पर शोभा नहीं देता।’ गोविंदा बोले- हद में रहिए सुनीता बार-बार बयान दे रही हैं कि गोविंदा इस उम्र में बेटी की उम्र की लड़की घुमा रहे हैं और शुगर डैडी बने हैं। इस पर गोविंदा ने कहा है, ‘ये जो उम्र का आपने सिलसिला चलाया है, तो आपको बता दूं कि देश के हर बड़े सुपरस्टार ने कम उम्र की नई लड़कियों के साथ काम किया है, उन्हें बड़ी फिल्में मिलीं। युवाओं के साथ काम करने पर वो युवा नजर आए। आप चाह नहीं रहीं कि मैं युवा कैसे लग सकता हूं। आप छोटी सी अपेक्षा के चलते एक बड़े बिजनेस में घात करने पर लगी हैं। आपके पीछे जो गैंग है, उससे हर कोई वाकिफ है। वो जल्द ही सामने आएगा, लेकिन आपके लिए ये शोभा नहीं देगा। मुझे लगता है कि आगे भी आपको कहीं न कहीं जरूरत पड़ेगी। कृपया ऐसे बयान देकर, जो आप ये पॉडकास्ट चला रही हैं, थोड़ा हद में रहिए, ऐसी आपसे प्रार्थना है।’ बहुत ज्यादा मां-बहन की गालियां देने लगी हैं- गोविंदा गोविंदा ये बयान देकर निकल ही रहे थे कि कुछ सेकेंड बाद वो पलटकर आए और कहा, ‘मैं ये भी कहना चाहूंगा कि सुनीता जी आप बहुत मां-बहन की गालियां देने लगी हैं। ईश्वर को मनाइए कि अगर लोग आपसे प्रेरित हो गए तो आप कहां आइना देखेंगी। कहीं आपके साथ ही लोग मां-बहन की गालियां देना शुरू कर देंगे, तो हम सब बहुत लज्जित हो जाएंगे। ये ठीक नहीं है। बहुत सस्ता कर दिया है मां-बहन का नाम। आपसे उम्मीद नहीं है।’ जानिए सुनीता के किस बयान पर भड़के गोविंदा? हाल ही में गोविंदा को उनकी अपकमिंग कमबैक फिल्म रूपा की को-एक्ट्रेस के साथ स्पॉट किया गया। इस पर सुनीता ने कहा, गोविंदा अपनी बेटी की उम्र की लड़की को लेकर घूम रहे हैं और उन्हें इस बात पर थोड़ी शर्म आनी चाहिए। तुम्हारा शुगर डैडी इतना अमीर है, तो कपड़े ढंग के पहनो- सुनीता सुनीता आहूजा ने गोविंदा साथ दिखीं एक्ट्रेस कोमल के ड्रेसिंग सेंस पर भी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि अगर सामने वाले का शुगर डैडी इतना अमीर है, तो कम से कम कपड़े तो ढंग के पहनने चाहिए। इंसान का अपना एक स्टैंडर्ड होना चाहिए। सुनीता ने खुद का उदाहरण देते हुए कहा कि लोगों को देखना चाहिए कि वे किस तरह स्टाइल के साथ रहते हैं। उन्होंने पूरे वाकये को बहुत खराब और घटिया सोच करार दिया। को-एक्ट्रेस के साथ गोविंदा स्पॉट हुए थे गोविंदा हाल ही में एक्ट्रेस कोमल रानी स्वर्णकार के साथ एयरपोर्ट पर दूसरी बार स्पॉट हुए थे। बता दें कि सुनीता ने कुछ समय पहले ही कहा था कि उन्हें कोमल नाम से नफरत है। सुनीता ने मिस मालिनी को दिए इंटरव्यू में गोविंदा के अफेयर रूमर्स पर बात करते हुए कहा था कि जवानी में गलतियां होती हैं, लेकिन 63 की उम्र में ये सब सुनना ठीक नहीं है। सुनीता ने कहा था, ‘ये नाम थोड़ा गड़बड़ है। मुझे कोमल नाम से नफरत है। एक है कोमल, एक्स वाय जेड है कोई। मुझे उससे नफरत है।’ गोविंदा के साथ बॉलीवुड डेब्यू करने वाली हैं कोमल गोविंदा 7 साल बाद बॉलीवुड कमबैक कर रहे हैं और अपने प्रोडक्शन की इस फिल्म से

रूस का यूक्रेन पर मिसाइल हमला:भारतीय अरबपति लक्ष्मी मित्तल की स्टील कंपनी को निशाना बनाया, 2 की मौत

रूस का यूक्रेन पर मिसाइल हमला:भारतीय अरबपति लक्ष्मी मित्तल की स्टील कंपनी को निशाना बनाया, 2 की मौत

रूस ने शनिवार रात यूक्रेन के क्रिवी रिह शहर में भारतीय अरबपति लक्ष्मी मित्तल की कंपनी आर्सेलरमित्तल के स्टील प्लांट पर मिसाइल हमला किया। हमले में दो लोगों की मौत हो गई और 13 कर्मचारी व ठेकेदार घायल हुए हैं। यह यूक्रेन का सबसे बड़ा स्टील प्लांट है। हमले के बाद प्लांट में प्रोडक्शन का कुछ काम रोकना पड़ा। प्लांट की ऊर्जा व्यवस्था और ब्लास्ट फर्नेस से जुड़े अहम हिस्सों को नुकसान पहुंचा है। हमले के बाद दमकलकर्मी, बचाव दल और मेडिकल टीमें मौके पर पहुंचीं। राहत और बचाव का काम जारी है। प्लांट में क्या बनता है? क्रिवी रिह का आर्सेलरमित्तल प्लांट यूक्रेन का सबसे बड़ा स्टील प्लांट है। यहां स्टील बनाने के लिए बड़े ब्लास्ट फर्नेस और दूसरी उत्पादन इकाइयां हैं। रूस के हमले में इन्हीं उत्पादन से जुड़े कुछ अहम हिस्सों को नुकसान पहुंचा है। इसलिए कंपनी ने प्लांट का कुछ काम अस्थायी रूप से रोक दिया है। 2022 में भी हुआ था हमला इस प्लांट पर रूस पहले भी हमला कर चुका है। 2022 में हुए रूसी मिसाइल हमले में प्लांट की एक रोलिंग मिल नष्ट हो गई थी और एक कर्मचारी की मौत हुई थी। इस बार का हमला ऐसे समय हुआ है, जब रूस और यूक्रेन के बीच युद्ध जारी है और रूसी हमले यूक्रेन के अहम बुनियादी ढांचे को निशाना बना रहे हैं। लक्ष्मी मित्तल की कंपनी यूक्रेन में क्यों अहम है? आर्सेलरमित्तल क्रिवी रिह यूक्रेन की अर्थव्यवस्था के लिए अहम औद्योगिक इकाई है। यह कंपनी दुनिया की बड़ी स्टील कंपनियों में शामिल आर्सेलरमित्तल का हिस्सा है, जिसके चेयरमैन और प्रमुख शेयरधारक भारतीय मूल के उद्योगपति लक्ष्मी निवास मित्तल हैं। प्लांट यूक्रेन के बड़े औद्योगिक शहर क्रिवी रिह में स्थित है। यह शहर यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की का गृहनगर भी है। मित्तल ने 2005 में खरीदा था यूक्रेन का यह स्टील प्लांट यूक्रेन का क्रिवी रिह स्टील प्लांट पहले सरकारी कंपनी के पास था। 2005 में लक्ष्मी मित्तल की कंपनी मित्तल स्टील ने इसे खरीद लिया। इसके बाद मित्तल स्टील का आर्सेलर के साथ विलय हुआ और 2006 में आर्सेलरमित्तल बनी। तब से यह प्लांट इसी कंपनी का हिस्सा है। लक्ष्मी मित्तल भारतीय मूल के बड़े उद्योगपतियों में गिने जाते हैं। उनकी कंपनी आर्सेलरमित्तल दुनिया की बड़ी स्टील कंपनियों में शामिल है और कई देशों में कारोबार करती है।

ट्रम्प ने PAK-सऊदी-तुर्किये के रक्षा समझौते पर खुशी जताई:बोले- तीनों देश मजबूती से अपनी रक्षा कर सकेंगे; एक पर हमला हुआ तो मिलकर जवाब देंगे

ट्रम्प ने PAK-सऊदी-तुर्किये के रक्षा समझौते पर खुशी जताई:बोले- तीनों देश मजबूती से अपनी रक्षा कर सकेंगे; एक पर हमला हुआ तो मिलकर जवाब देंगे

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने पाकिस्तान, सऊदी अरब और तुर्किये के बीच हुए मक्का संयुक्त रक्षा समझौते का स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि इस डील से तीनों देश मिलकर अपनी रक्षा ज्यादा मजबूती से कर सकेंगे। ट्रम्प ने रविवार को ट्रुथ सोशल पर लिखा, “मुझे बहुत खुशी है कि पाकिस्तान, सऊदी अरब और तुर्किये ने आखिरकार मक्का संयुक्त रक्षा समझौते पर हस्ताक्षर कर दिए। इससे पता चलता है कि मिडिल-ईस्ट एकजुट हो रहा है और देश अब ज्यादा मजबूती से अपनी रक्षा कर सकेंगे।” ट्रम्प ने तीनों देशों के नेताओं को बधाई देते हुए डील को “बड़ा, साहसी और अहम पहला कदम” बताया। एक पर हमला हुआ तो तीनों साथ देंगे इस समझौते पर 7 अगस्त को मक्का में हस्ताक्षर हुए थे। समझौते पर सऊदी क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान, तुर्किये के राष्ट्रपति रेचेप तैयप एर्दोगन और पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने हस्ताक्षर किए। इसके मुताबिक, पाकिस्तान, सऊदी अरब या तुर्किये में से किसी एक पर हमला होता है तो उसे तीनों देशों पर हमला माना जाएगा। यानी किसी एक देश पर हमला होने पर बाकी दोनों देश उसके साथ खड़े होंगे। डील का मकसद तीनों देशों के बीच सैन्य और सुरक्षा सहयोग बढ़ाना है। एर्दोगन बोले- आगे और देश जुड़ सकते हैं एर्दोगन ने कहा है कि आगे दूसरे देश भी इस रक्षा व्यवस्था का हिस्सा बन सकते हैं। उन्होंने खास तौर पर मिस्र के जुड़ने की संभावना बताई है। एर्दोगन ने कहा कि यह समझौता दुनिया को एक अहम संदेश देता है। भारत की भी इस डील पर नजर भारत ने कहा है कि वह इस समझौते के असर की समीक्षा कर रहा है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा था कि भारत इसे अपनी सुरक्षा और क्षेत्रीय शांति के नजरिए से देख रहा है। उन्होंने कहा कि भारत अपने हितों की सुरक्षा के लिए जरूरी कदम उठाएगा।

ट्रम्प ने PAK-सऊदी-तुर्किये के रक्षा समझौते पर खुशी जताई:बोले- तीनों देश मजबूती से अपनी रक्षा कर सकेंगे; एक पर हमला हुआ तो मिलकर जवाब देंगे

ट्रम्प ने PAK-सऊदी-तुर्किये के रक्षा समझौते पर खुशी जताई:बोले- तीनों देश मजबूती से अपनी रक्षा कर सकेंगे; एक पर हमला हुआ तो मिलकर जवाब देंगे

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने पाकिस्तान, सऊदी अरब और तुर्किये के बीच हुए मक्का संयुक्त रक्षा समझौते का स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि इस डील से तीनों देश मिलकर अपनी रक्षा ज्यादा मजबूती से कर सकेंगे। ट्रम्प ने रविवार को ट्रुथ सोशल पर लिखा, “मुझे बहुत खुशी है कि पाकिस्तान, सऊदी अरब और तुर्किये ने आखिरकार मक्का संयुक्त रक्षा समझौते पर हस्ताक्षर कर दिए। इससे पता चलता है कि मिडिल-ईस्ट एकजुट हो रहा है और देश अब ज्यादा मजबूती से अपनी रक्षा कर सकेंगे।” ट्रम्प ने तीनों देशों के नेताओं को बधाई देते हुए डील को “बड़ा, साहसी और अहम पहला कदम” बताया। 7 अगस्त को मक्का समझौते पर साइन हुए इस समझौते पर 7 अगस्त को मक्का में हस्ताक्षर हुए थे। समझौते पर सऊदी क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान, तुर्किये के राष्ट्रपति रेचेप तैयप एर्दोगन और पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने हस्ताक्षर किए। एर्दोगन ने कहा है कि आगे दूसरे देश भी इस रक्षा व्यवस्था का हिस्सा बन सकते हैं। उन्होंने खास तौर पर मिस्र के जुड़ने की संभावना बताई है। डील का मकसद तीनों देशों के बीच सैन्य और सुरक्षा सहयोग बढ़ाना है। यानी किसी एक देश पर हमला होने पर बाकी दोनों देश उसके साथ खड़े होंगे। एक पर हमला हुआ तो बाकी दो देश साथ देंगे इस समझौते की सबसे बड़ी बात यह है कि पाकिस्तान, सऊदी अरब या तुर्किये में से किसी एक देश पर हमला हुआ तो इसे तीनों देशों पर हमला माना जाएगा। यानी जिस देश पर हमला होगा, उसे बाकी दोनों देशों का साथ मिलेगा। कैसे मदद करेंगे तीनों देश? भारत की भी इस डील पर नजर भारत ने कहा है कि वह इस समझौते के असर की समीक्षा कर रहा है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा था कि भारत इसे अपनी सुरक्षा और क्षेत्रीय शांति के नजरिए से देख रहा है। उन्होंने कहा कि भारत अपने हितों की सुरक्षा के लिए जरूरी कदम उठाएगा।

अमेरिकी सैनिकों को मारने या पकड़ने पर मिलेगा ₹25 लाख:ईरानी सेना का ऐलान; महिला को दोगुना इनाम, मारने वाला हथियार भी खरीदा जाएगा

अमेरिकी सैनिकों को मारने या पकड़ने पर मिलेगा ₹25 लाख:ईरानी सेना का ऐलान; महिला को दोगुना इनाम, मारने वाला हथियार भी खरीदा जाएगा

ईरान की सेना ने किसी अमेरिकी सैनिक को मारने या पकड़ने वाले व्यक्ति को 25 लाख रुपए का इनाम देने का ऐलान किया है। अगर यह काम कोई महिला करती है तो इनाम की रकम दोगुनी कर दी जाएगी। ईरानी सेना के कमांडर-इन-चीफ अमीर हातमी ने कहा कि यह योजना उन लोगों की कई मांगों के बाद बनाई गई है। उन लोगों के लिए जो फाइनेंशियल जिहाद के जरिए देश के युद्ध प्रयासों में आर्थिक रूप से मदद करना चाहते हैं। हातमी ने तेहरान में एक भाषण के दौरान यह बात कही। हातमी ने ट्रम्प पर साधा निशाना हातमी ने कहा कि इस संघर्ष ने अमेरिका के सैन्य दबदबे को कमजोर कर दिया है और कई देशों को अपनी सुरक्षा के लिए दूसरे विकल्प तलाशने पर मजबूर किया है। उन्होंने डोनाल्ड ट्रम्प के उस बयान की भी आलोचना की, जिसमें उन्होंने ईरान की हार के बाद स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को अमेरिका का क्षेत्र घोषित करने की बात कही थी। द जेरूसलम पोस्ट के मुताबिक, हातमी ने दावा किया कि अमेरिकी सेना को प्रभावी रूप से पीछे हटने पर मजबूर किया गया है और अब उसे फारस की खाड़ी, ओमान सागर या स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में प्रवेश की अनुमति नहीं है। 28 फरवरी से होर्मुज स्ट्रेट से तेल ढुलाई प्रभावित रही 28 फरवरी को अमेरिका और इजराइल के ईरान पर हमलों के बाद होर्मुज स्ट्रेट से तेल ढुलाई लगातार प्रभावित रही। समुद्री बारूदी सुरंगों, मिसाइल और ड्रोन हमलों के खतरे, अमेरिका और ईरान की नाकेबंदी तथा बढ़ी बीमा लागत के कारण इस रास्ते से हर दिन गुजरने वाला कच्चा तेल 2 करोड़ बैरल से घटकर 37 लाख बैरल रह गया। ———- ये खबर भी पढ़ें… ईरान से समझौते को लेकर खाड़ी देश ट्रम्प से नाराज:बातचीत का नतीजा नहीं निकलने से सहयोगी देशों की बेचैनी बढ़ी ईरान के साथ समझौते की अमेरिकी कोशिशों से उसके कुछ खाड़ी सहयोगी निराश हैं। द वॉशिंगटन पोस्ट की रिपोर्ट के मुताबिक, इन देशों को लग रहा है कि लंबे समय से बातचीत चलने के बावजूद अमेरिका और ईरान के बीच अब तक कोई पक्का समझौता नहीं हो पाया है। पूरी खबर पढ़ें…

अमेरिकी सैनिकों को मारने या पकड़ने पर मिलेगा ₹25 लाख:ईरानी सेना का ऐलान; महिला को दोगुना इनाम, मारने वाला हथियार भी खरीदा जाएगा

अमेरिकी सैनिकों को मारने या पकड़ने पर मिलेगा ₹25 लाख:ईरानी सेना का ऐलान; महिला को दोगुना इनाम, मारने वाला हथियार भी खरीदा जाएगा

ईरान की सेना ने किसी अमेरिकी सैनिक को मारने या पकड़ने वाले व्यक्ति को 25 लाख रुपए का इनाम देने का ऐलान किया है। अगर यह काम कोई महिला करती है तो इनाम की रकम दोगुनी कर दी जाएगी। ईरानी सेना के कमांडर-इन-चीफ अमीर हातमी ने कहा कि यह योजना उन लोगों की कई मांगों के बाद बनाई गई है। उन लोगों के लिए जो फाइनेंशियल जिहाद के जरिए देश के युद्ध प्रयासों में आर्थिक रूप से मदद करना चाहते हैं। हातमी ने तेहरान में एक भाषण के दौरान यह बात कही। हातमी ने ट्रम्प पर साधा निशाना हातमी ने कहा कि इस संघर्ष ने अमेरिका के सैन्य दबदबे को कमजोर कर दिया है और कई देशों को अपनी सुरक्षा के लिए दूसरे विकल्प तलाशने पर मजबूर किया है। उन्होंने डोनाल्ड ट्रम्प के उस बयान की भी आलोचना की, जिसमें उन्होंने ईरान की हार के बाद स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को अमेरिका का क्षेत्र घोषित करने की बात कही थी। द जेरूसलम पोस्ट के मुताबिक, हातमी ने दावा किया कि अमेरिकी सेना को प्रभावी रूप से पीछे हटने पर मजबूर किया गया है और अब उसे फारस की खाड़ी, ओमान सागर या स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में प्रवेश की अनुमति नहीं है। 28 फरवरी से होर्मुज स्ट्रेट से तेल ढुलाई प्रभावित रही 28 फरवरी को अमेरिका और इजराइल के ईरान पर हमलों के बाद होर्मुज स्ट्रेट से तेल ढुलाई लगातार प्रभावित रही। समुद्री बारूदी सुरंगों, मिसाइल और ड्रोन हमलों के खतरे, अमेरिका और ईरान की नाकेबंदी तथा बढ़ी बीमा लागत के कारण इस रास्ते से हर दिन गुजरने वाला कच्चा तेल 2 करोड़ बैरल से घटकर 37 लाख बैरल रह गया। ———- ये खबर भी पढ़ें… ईरान से समझौते को लेकर खाड़ी देश ट्रम्प से नाराज:बातचीत का नतीजा नहीं निकलने से सहयोगी देशों की बेचैनी बढ़ी ईरान के साथ समझौते की अमेरिकी कोशिशों से उसके कुछ खाड़ी सहयोगी निराश हैं। द वॉशिंगटन पोस्ट की रिपोर्ट के मुताबिक, इन देशों को लग रहा है कि लंबे समय से बातचीत चलने के बावजूद अमेरिका और ईरान के बीच अब तक कोई पक्का समझौता नहीं हो पाया है। पूरी खबर पढ़ें…

रूस पर यूक्रेन का सबसे बड़ा ड्रोन हमला:6 की मौत, मॉस्को के पास गोदाम में आग लगी; रूस ने 1400 ड्रोन मार गिराए

रूस पर यूक्रेन का सबसे बड़ा ड्रोन हमला:6 की मौत, मॉस्को के पास गोदाम में आग लगी; रूस ने 1400 ड्रोन मार गिराए

यूक्रेन ने रविवार को रूस पर युद्ध शुरू होने के बाद अब तक का सबसे बड़े ड्रोन हमला किया है। इसमें कम से कम 6 लोगों की मौत हो गई। इन ड्रोन हमलों में मॉस्को के पास रूसी ई-कॉमर्स कंपनी वाइल्डबेरिज के डिस्ट्रीब्यूशन सेंटर में आग लग गई। यह गोदाम करीब 2 लाख वर्ग मीटर में फैला है। सामने आई तस्वीरों में इमारत का बड़ा हिस्सा आग की चपेट में दिखाई दिया। आसमान में दूर तक काला धुआं उठता नजर आया। रूस के रक्षा मंत्रालय ने बताया कि उसने पिछले 24 घंटे में 9 यूक्रेनी क्रूज मिसाइल और कुल 1,478 ड्रोन मार गिराए हैं। मॉस्को के मेयर सर्गेई सोब्यानिन ने बताया कि करीब 600 ड्रोन राजधानी की ओर दागे गए थे। उन्होंने इसे पिछले दो साल में मॉस्को पर हुआ सबसे बड़ा हवाई हमला बताया। यूक्रेन ने 1,500 मील तक हमला करने की क्षमता बढ़ाई यूक्रेन ने 2026 में अपनी लंबी दूरी की ड्रोन और मिसाइल क्षमता में तेजी से इजाफा किया है। द गार्डियन की रिपोर्ट के मुताबिक, अब वह रूस की सीमा से करीब 1,500 मील दूर तक मौजूद ठिकानों को निशाना बनाने में सक्षम है। यूक्रेन इन हथियारों से रूस के गोदामों, तेल रिफाइनरियों, बंदरगाहों और सैन्य ठिकानों पर हमले कर रहा है। इससे युद्ध में पहली बार रूस की लंबी दूरी तक हमला करने की क्षमता को कड़ी चुनौती मिल रही है। दोनों देशों की एयर डिफेंस यानी हवाई हमलों को रोकने वाले सिस्टम पर भी लगातार दबाव बढ़ रहा है। वाइल्डबेरीज के ठिकाने क्यों निशाने पर? पिछले एक महीने में यूक्रेन ने वाइल्डबेरीज से जुड़ी कई इमारतों और सुविधाओं को निशाना बनाया है। कंपनी रूस के ऑनलाइन कारोबार में बड़ी भूमिका निभाती है और इसके डिस्ट्रीब्यूशन सेंटर देशभर में फैले हैं। यूक्रेन के हमलों में करीब 20 गोदामों और दूसरी इमारतों को निशाना बनाए जाने की बात सामने आई है। ऐसे हमलों का मकसद रूस की सप्लाई चेन और अर्थव्यवस्था पर दबाव बढ़ाना बताया जा रहा है। रूस के हमलों में यूक्रेन में 7 लोगों की मौत इसी दौरान रूस ने यूक्रेन पर भी ड्रोन और मिसाइल हमले किए। इन हमलों में कम से कम 7 लोगों की मौत हुई। यूक्रेन के सूमी सीमा क्षेत्र में 2 लोगों की मौत हुई, जबकि देश के दूसरे हिस्सों में 3 और लोगों के मारे जाने की जानकारी सामने आई है। रविवार सुबह करीब 3 बजे कीव पर बैलिस्टिक मिसाइल से हमला किया गया। इसमें 6 लोग घायल हुए और राजधानी में कई जगह आग लग गई। कीव के ओबोलोंस्की जिले में पेट्रोव्का बुक मार्केट का बड़ा हिस्सा जल गया। दुकानदारों के मुताबिक, आग में उनकी किताबों का पूरा स्टॉक नष्ट हो गया। जेलेंस्की बोले- रूस नागरिक इलाकों को निशाना बना रहा यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने इमरजेंसी सर्विस के कर्मचारियों की तारीफ की। उन्होंने रूस पर नागरिक इलाकों और बुनियादी ढांचे को निशाना बनाने का आरोप लगाया। जेलेंस्की ने कहा कि रूस अपनी बैलिस्टिक मिसाइलों की पहुंच वाले इलाकों में नागरिक ढांचे पर हमला कर रहा है। उनके मुताबिक, पिछले एक हफ्ते में रूस ने यूक्रेन के शहरों और दूसरे इलाकों पर 1,550 से ज्यादा ड्रोन, करीब 1,560 गाइडेड बम और 62 मिसाइल दागीं। इनमें बड़ी संख्या बैलिस्टिक मिसाइलों की थी। बैलिस्टिक मिसाइलों को रोकना यूक्रेन के लिए बड़ी चुनौती यूक्रेन धीमी गति से आने वाले ड्रोन को रोकने में काफी हद तक सफल रहा है। लेकिन तेज गति से आने वाली बैलिस्टिक मिसाइलों को रोकना उसके लिए बड़ी चुनौती है। ऐसी मिसाइलों को रोकने में अमेरिका की Patriot एयर डिफेंस प्रणाली अहम भूमिका निभाती है। हालांकि, लगातार हो रहे रूसी हमलों के कारण यूक्रेन के पास इन इंटरसेप्टर मिसाइलों का भंडार सीमित हो गया है।

एक्ट्रेस पर RPF अफसर पर ब्लेड से हमले का आरोप:विवाद होने पर कपड़े उतारे; स्लीपर टिकट पर एसी कोच में बैठी थीं अंतरा बनर्जी

एक्ट्रेस पर RPF अफसर पर ब्लेड से हमले का आरोप:विवाद होने पर कपड़े उतारे; स्लीपर टिकट पर एसी कोच में बैठी थीं अंतरा बनर्जी

मॉडल और टीवी एक्ट्रेस अंतरा बनर्जी को अरावली एक्सप्रेस में आरपीएफ (RPF) कर्मचारी पर हमले के आरोप में हिरासत में लिया गया। उन पर आरोप है कि स्लीपर क्लास का टिकट होने के बाद भी वे सूरत जाने के लिए रिजर्व्ड एसी कोच में बैठ गई थीं। सीट को लेकर हुए विवाद के बाद उन्होंने अपने कपड़े उतारे और रेजर ब्लेड से आरपीएफ जवान पर हमला कर दिया। मामला 12 अगस्त का है। रीवली जीआरपी (GRP) ने 13 अगस्त को FIR दर्ज करने के बाद उन्हें नोटिस देकर जमानत पर रिहा कर दिया। एसी कोच में बैठी थीं, सीट छोड़ने से इनकार किया पुलिस के मुताबिक, अंतरा बनर्जी एक शूट के सिलसिले में सूरत जा रही थीं। उनके पास स्लीपर क्लास का टिकट था, लेकिन वे एसी कोच की रिजर्व्ड सीट पर जाकर बैठ गईं। यह घटना 12 अगस्त की रात बोरीवली और दहानू स्टेशन के बीच रात लगभग 9:30 बजे से 10:50 बजे के बीच हुई। जब एक यात्री ने उनसे रिजर्व्ड सीट खाली करने को कहा, तो उन्होंने मना कर दिया। इसके बाद यात्री ने टिकट कलेक्टर हरिकेश त्रिपाठी और आरपीएफ को मामले की सूचना दी। आरपीएफ अफसर पर ब्लेड से हमला किया, कपड़े उतारे आरपीएफ के असिस्टेंट सब-इंस्पेक्टर यामिनीकांत मिश्रा ने शिकायत में बताया कि वे और कॉन्स्टेबल राजेश कुमार विवाद सुलझाने पहुंचे थे। आरोप है कि अंतरा बनर्जी ने अधिकारियों के साथ बदसलूकी की और हिंसक हो गईं। इसके बाद उन्होंने अपने कपड़े उतारे, हाथ में रेजर ब्लेड लहराया और एएसआई मिश्रा के साथ-साथ खुद को भी घायल कर लिया। इस दौरान उन्होंने अधिकारी की यूनिफॉर्म और मोबाइल फोन को भी नुकसान पहुंचाया। कांच तोड़ने की कोशिश की, दहानू स्टेशन पर ट्रेन से उतारा घटना के दौरान कोच में मौजूद यात्री डर गए। हालात बिगड़ते देख आरपीएफ कर्मचारियों ने एसी कोच के दरवाजे बंद कर दिए। ट्रेन से बाहर निकलने के लिए अंतरा ने खिड़की का शीशा तोड़ने का भी प्रयास किया। यह पूरा हंगामा करीब एक घंटे से ज्यादा समय तक चला। इसके बाद दहानू रेलवे स्टेशन पर उन्हें ट्रेन से उतारकर सरकारी रेलवे पुलिस (जीआरपी) के हवाले कर दिया गया। नोटिस देकर जमानत पर रिहा अगली सुबह बोरीवली जीआरपी ने अंतरा को कस्टडी में ले लिया। बोरीवली जीआरपी इंस्पेक्टर कुंडा गावड़े के अनुसार, चश्मदीदों ने बताया कि एसी कोच का टिकट न मिलने के कारण वे मानसिक तनाव में हो सकती हैं। पूछताछ के दौरान अंतरा ने अपने वकील या परिजनों से संपर्क करने से इनकार कर दिया और खुद को गिरफ्तार करने की मांग की। पुलिस ने 13 अगस्त को सुरक्षा खतरे में डालने, सरकारी कर्मचारी पर हमला करने और बदसलूकी की धाराओं में एफआईआर दर्ज की। एफआईआर दर्ज होने के बाद वे शांत हुईं और बाद में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता के तहत नोटिस देकर उन्हें जमानत पर रिहा कर दिया गया। ‘कसौटी जिंदगी की’ में कर चुकी हैं काम 31 साल की अंतरा बनर्जी का जन्म कोलकाता के बंगाली परिवार में हुआ था। साल 2013 में वे अपने माता-पिता के साथ मुंबई शिफ्ट हो गई थीं। उन्होंने निर्मला निकेतन कॉलेज से सोशल वर्क (BSW) की पढ़ाई शुरू की थी, लेकिन एक्टिंग के लिए पढ़ाई बीच में ही छोड़ दी। उन्होंने 2012 में ‘गुमराह: एंड ऑफ इनोसेंस’ से डेब्यू किया। 2014 में फिल्म ‘द शौकीन्स’ से बॉलीवुड में कदम रखा। इसके अलावा वे ‘सावधान इंडिया’, ‘बढ़ो बहू’, ‘लाल इश्क’, ‘कसौटी जिंदगी की’ (सुमन शेखर शर्मा का रोल), ‘कवच… महाशिवरात्रि’ और ‘दिव्या दृष्टि’ जैसे सीरियल्स में नजर आ चुकी हैं। वे ओटीटी सीरीज ‘रागिनी एमएमएस रिटर्न्स 2’ और हाल ही में ‘द लास्ट शॉट’ में भी काम कर चुकी हैं।

'वह इसमें विश्वास नहीं करती':अनुराग कश्यप ने 20 साल छोटी गर्लफ्रेंड से शादी के सवाल पर दिया रिएक्शन : एज गैप पर भी की बात

'वह इसमें विश्वास नहीं करती':अनुराग कश्यप ने 20 साल छोटी गर्लफ्रेंड से शादी के सवाल पर दिया रिएक्शन : एज गैप पर भी की बात

फिल्ममेकर अनुराग कश्यप ने हाल ही में कहा कि उनकी गर्लफ्रेंड शुभ्रा शेट्टी शादी में विश्वास नहीं करती हैं। दरअसल, जेनिस सेक्वेरा को दिए इंटरव्यू में उनसे तीसरी बार शादी करने को लेकर सवाल पूछा गया था। बता दें कि 53 साल के अनुराग और 30 साल की शुभ्रा कई सालों से रिश्ते में हैं। वहीं, इंटरव्यू में यह पूछे जाने पर कि क्या वह खुद दोबारा शादी करना चाहते हैं, अनुराग ने कहा कि उनकी प्रायरिटी साथ में मौजूद रिश्ते को बनाए रखना है। उन्होंने कहा, “मैं उनके साथ बहुत खुश हूं। मैं उसके साथ रहना चाहता हूं। इसके लिए जो भी करना पड़े, मैं करूंगा।” अनुराग ने बताया कि उम्र और अनुभव के साथ उनकी प्राथमिकताएं बदल गई हैं। उन्होंने कहा, “जिंदगी में बहुत कुछ है। एक बूढ़े आदमी की असुरक्षा क्या होती है? मैं इतना हेल्दी रहना चाहता हूं कि उन लोगों से ज्यादा जी सकूं, जिन्हें मैं प्यार करता हूं। क्योंकि अगर ऐसा नहीं होता, तो उसके बाद क्या हो सकता है? दुनिया के तौर-तरीके। इसलिए मैं इस बारे में बहुत सोचता हूं।” उन्होंने आगे कहा, “लेकिन मेरी बात यह है कि जब तक हमने अब जो पाया है, वह हमारे पास है, मैं किसी भी चीज से खुश हूं। मैं इसे खोना नहीं चाहता।” उम्र के अंतर को लेकर ज्यादा सजग हुए अनुराग कपल ने बताया कि उनके उम्र के अंतर का उनके रिश्ते पर असर पड़ा है। अनुराग ने कहा, “हमारे हिस्से में भी परेशानियां आई हैं। हमारे बीच भी ऐसे पल रहे हैं। हम खुद को लेकर सजग रहे हैं।” शुभ्रा ने तुरंत उन्हें सुधारते हुए कहा, “आप ज्यादा सजग रहे हैं।” अनुराग ने उनकी बात मानते हुए बताया कि उम्र बढ़ने के साथ उनका नजरिया बदला। उन्होंने कहा, “मैं ज्यादा सजग रहा हूं। मैं पहले भी ज्यादा सजग था। सिर्फ इतना ही नहीं, एक समय मैं इसे दूर रखने की बहुत कोशिश कर रहा था।” उन्होंने कहा, “एक समय ऐसा था, क्योंकि उसके चेहरे से उसकी उम्र का पता नहीं चलता। वह अब भी वैसी ही दिखती है। वह अपनी उम्र की नहीं दिखती। इसलिए जैसे-जैसे मेरी उम्र बढ़ती गई और वह वैसी ही दिखती रहीं, तब मैं थोड़ा ज्यादा सजग हो गया।” शुभ्रा ने बताया कि अनुराग ने हमेशा उन्हें स्वतंत्र रूप से जीने और खुद को समझने के लिए प्रोत्साहित किया। उन्होंने कहा कि अनुराग नहीं चाहते थे कि उनका रिश्ता ही उनकी पहचान बन जाए। शुभ्रा के मुताबिक, “वह जिंदगी को लेकर आश्वस्त हो सकते हैं, क्योंकि वह सब कुछ झेल चुके हैं। उन्हें पता है कि प्यार क्या नहीं होता और इसलिए वह समझ सकते हैं कि यह प्यार है। लेकिन मैं ऐसा नहीं कर सकती थी, क्योंकि मैं 20 की उम्र में थी और उस समय आप खुद को समझ रहे होते हैं।” उन्होंने कहा, “इसलिए वह इस बात पर अड़े रहते थे कि मैं बाहर जाऊं और अगर मुझे उनके पास वापस आने का रास्ता खुद खोजना है, तो मैं ऐसा करूं।” अनुराग की पिछली शादियां शुभ्रा के साथ रिश्ते से पहले अनुराग की शादी एडिटर आरती बजाज से हुई थी। दोनों छह साल तक शादीशुदा रहे और 2009 में अलग हो गए। उनकी एक बेटी है, जिसका नाम आलिया कश्यप है। इसके बाद अनुराग ने 2011 में एक्टर कल्कि कोचलिन से शादी की। अनुराग ने कल्कि के साथ फिल्म ‘देव डी’ में काम किया था। यह फिल्म कल्कि के बॉलीवुड डेब्यू के तौर पर जानी जाती है। दोनों शादी के चार साल बाद अलग हो गए और बाद में उनका तलाक हो गया।

'वह इसमें विश्वास नहीं करती':अनुराग कश्यप ने 20 साल छोटी गर्लफ्रेंड से शादी के सवाल पर दिया रिएक्शन; एज गैप पर भी बात की

'वह इसमें विश्वास नहीं करती':अनुराग कश्यप ने 20 साल छोटी गर्लफ्रेंड से शादी के सवाल पर दिया रिएक्शन : एज गैप पर भी की बात

फिल्ममेकर अनुराग कश्यप ने हाल ही में कहा कि उनकी गर्लफ्रेंड शुभ्रा शेट्टी शादी में विश्वास नहीं करती हैं। दरअसल, जेनिस सेक्वेरा को दिए इंटरव्यू में उनसे तीसरी बार शादी करने को लेकर सवाल पूछा गया था। वहीं, इंटरव्यू में यह पूछे जाने पर कि क्या वह खुद दोबारा शादी करना चाहते हैं, अनुराग ने कहा कि उनकी प्रायरिटी साथ में मौजूद रिश्ते को बनाए रखना है। उन्होंने कहा, “मैं उनके साथ बहुत खुश हूं। मैं उसके साथ रहना चाहता हूं। इसके लिए जो भी करना पड़े, मैं करूंगा।” अनुराग ने बताया कि उम्र और अनुभव के साथ उनकी प्राथमिकताएं बदल गई हैं। उन्होंने कहा, “जिंदगी में बहुत कुछ है। एक बूढ़े आदमी की असुरक्षा क्या होती है? मैं इतना हेल्दी रहना चाहता हूं कि उन लोगों से ज्यादा जी सकूं, जिन्हें मैं प्यार करता हूं। क्योंकि अगर ऐसा नहीं होता, तो उसके बाद क्या हो सकता है? दुनिया के तौर-तरीके। इसलिए मैं इस बारे में बहुत सोचता हूं।” उन्होंने आगे कहा, “लेकिन मेरी बात यह है कि जब तक हमने अब जो पाया है, वह हमारे पास है, मैं किसी भी चीज से खुश हूं। मैं इसे खोना नहीं चाहता।” उम्र के अंतर को लेकर ज्यादा सजग हुए अनुराग कपल ने बताया कि उनके उम्र के अंतर का उनके रिश्ते पर असर पड़ा है। अनुराग ने कहा, “हमारे हिस्से में भी परेशानियां आई हैं। हमारे बीच भी ऐसे पल रहे हैं। हम खुद को लेकर सजग रहे हैं।” शुभ्रा ने तुरंत उन्हें सुधारते हुए कहा, “आप ज्यादा सजग रहे हैं।” अनुराग ने उनकी बात मानते हुए बताया कि उम्र बढ़ने के साथ उनका नजरिया बदला। उन्होंने कहा, “मैं ज्यादा सजग रहा हूं। मैं पहले भी ज्यादा सजग था। सिर्फ इतना ही नहीं, एक समय मैं इसे दूर रखने की बहुत कोशिश कर रहा था।” उन्होंने कहा, “एक समय ऐसा था, क्योंकि उसके चेहरे से उसकी उम्र का पता नहीं चलता। वह अब भी वैसी ही दिखती है। वह अपनी उम्र की नहीं दिखती। इसलिए जैसे-जैसे मेरी उम्र बढ़ती गई और वह वैसी ही दिखती रहीं, तब मैं थोड़ा ज्यादा सजग हो गया।” शुभ्रा ने बताया कि अनुराग ने हमेशा उन्हें स्वतंत्र रूप से जीने और खुद को समझने के लिए प्रोत्साहित किया। उन्होंने कहा कि अनुराग नहीं चाहते थे कि उनका रिश्ता ही उनकी पहचान बन जाए। शुभ्रा के मुताबिक, “वह जिंदगी को लेकर आश्वस्त हो सकते हैं, क्योंकि वह सब कुछ झेल चुके हैं। उन्हें पता है कि प्यार क्या नहीं होता और इसलिए वह समझ सकते हैं कि यह प्यार है। लेकिन मैं ऐसा नहीं कर सकती थी, क्योंकि मैं 20s में थी और उस समय आप खुद को समझ रहे होते हैं।” उन्होंने कहा, “इसलिए वह इस बात पर अड़े रहते थे कि मैं बाहर जाऊं और अगर मुझे उनके पास वापस आने का रास्ता खुद खोजना है, तो मैं ऐसा करूं।” अनुराग कश्यप की पिछली शादियां बता दें कि अनुराग कश्यप की 2 शादियां हो चुकी हैं। साल 1997 में फिल्म एडिटर आरती बजाज से उनकी पहली शादी हुई थी। इस शादी से उनकी एक बेटी आलिया है। साल 2009 में दोनों का तलाक हो गया। इसके बाद अनुराग ने 2011 में एक्ट्रेस कल्कि कोचलिन से शादी की। अनुराग ने कल्कि के साथ फिल्म ‘देव डी’ में काम किया था। इस फिल्म से कल्कि ने बॉलीवुड में डेब्यू किया था। हालांकि, शादी के कुछ सालों बाद दोनों अलग हो गए। 19 मई 2015 को इस कपल ने मुंबई के एक फैमिली कोर्ट में तलाक के लिए अर्जी दी।