गंदे गैस बर्नर की सफाई: मुफ़्त में बनाएं इस गैस से चमकाने वाली गैस का बर्नर, दूर से चमकेगी रसोई; बचेंगे सर्विस डिलिवरी के पैसे

19 मई 2026 को 16:37 IST पर अपडेट किया गया गैस बर्नर क्लीनिंग टिप्स: रसोई में रोजाना इस्तेमाल होने वाला गैस बर्नर कुछ ही दिनों में काला और जैम लगता है। तेल, साबुत अनाज और कूड़ा-करकट की वजह से इसकी लौ भी खराब हो जाती है। ऐसे में लोग बर्नर साफ-सफाई के लिए पैसा खर्च करते हैं, लेकिन अब इसकी जरूरत नहीं है। मौजूद है सिर्फ एक आसान चीज से आप गैस बर्नर को नया जैसा घर पर चमका सकते हैं। यह तरीका बेहद सस्ता, आसान और प्रभावशाली है। अनुसरण करना : बर्नर साफ करने के लिए: 1 कटोरी गरम पानी और 1 बड़ा मसाला का रस छवि: एआई सबसे पहले गैस बर्नर को स्टोव से हटा लें। अब एक पोएट्री में गर्म पानी लें और मिश्रण का रस मिला। इसके बाद बर्नर को इस नाक में 20-25 मिनट तक डब्बेकर छोड़ दें। छवि: फ्रीपिक जब मोटा नर हो जाए, तब पुराना टूथब्रश या पॉटर की मदद से पतले हाथों से राँगें। कुछ ही मिनटों में जमा कालापन और लन्हाई साफ होना हॉस्टल। आख़िर में साफ़ पानी से धोकर ग़रीब शायरी से पुतले लें। छवि: एआई प्रयोगशाला में मौजूद प्राकृतिक एसिड जमी हुई धूल और गंदगी को आसानी से ऊपर उठाया जा सकता है। इससे बर्नर के छोटे-छोटे छेद भी साफ हो जाते हैं और गैस की लौ पहले जैसी तेज जलने लगती है। छवि: फ्रीपिक बर्नर नई चमक जैसी जगह। गैस की लौ तेज और बराबर होगी। रसोई साफ और चमकदार। सेवा समाप्ति के पैसे बचेंगे। बताएं कि यह कौन सी दवा है जो पूरी तरह से घरेलू और रसायन मुक्त है। छवि: फ्रीपिक अगर आप भी बिना ज्यादा मेहनत और खर्च के गैस बर्नर चमकाना चाहते हैं तो ये आसान घरेलू उपाय जरूर अपनाएं। छवि: एआई द्वारा प्रकाशित: समृद्धि ब्रेजा प्रकाशित 19 मई 2026 16:37 IST पर (टैग्सटूट्रांसलेट)गैस बर्नर सफाई टिप्स(टी)गैस बर्नर(टी)गैस बर्नर सफाई(टी)गंदा गैस बर्नर(टी)चिपचिपा गैस बर्नर(टी)रसोई सफाई टिप्स
अफगानिस्तान सीरीज के लिए भारतीय टीम का ऐलान:बुमराह-जडेजा को आराम; वनडे में ईशान की वापसी, सुथार, बरार और हर्ष को पहली बार मौका

अफगानिस्तान के खिलाफ होने वाली टेस्ट और वनडे सीरीज के लिए भारतीय टीम का ऐलान कर दिया गया है। मंगलवार को टेस्ट टीम से तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह और ऑलराउंडर रवींद्र जडेजा को आराम दिया गया है। मानव सुथार, गुरनूर बरार और हर्ष दुबे को पहली बार भारतीय टीम में जगह मिली है। विकेटकीपर बल्लेबाज ईशान किशन की वनडे टीम में वापसी हुई है। अफगानिस्तान की टीम 6 जून से भारत दौरे पर आएगी, जहां दोनों टीमों के बीच एक टेस्ट और 3 वनडे मुकाबले खेले जाएंगे। वनडे मैच धर्मशाला, लखनऊ और चेन्नई में 14, 17 और 20 जून को होंगे। बुमराह और जडेजा को टेस्ट से आराम वर्कलोड मैनेजमेंट के तहत जसप्रीत बुमराह और रवींद्र जडेजा को टेस्ट टीम से आराम दिया गया है। ऋषभ पंत और ध्रुव जुरेल विकेटकीपर चुने गए हैं। देवदत्त पडिक्कल की नंबर-3 पर वापसी हुई है। उनके साथ साई सुदर्शन भी हैं। पडिक्कल दो टेस्ट खेल चुके हैं। उन्होंने आखिरी टेस्ट 2024 में पर्थ में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेला था। ईशान की 3 साल बाद वनडे टीम में वापसी विकेटकीपर बल्लेबाज ईशान किशन की 3 साल बाद भारतीय वनडे टीम में वापसी हुई है। उन्होंने आखिरी वनडे मुकाबला 11 अक्टूबर 2023 को अफगानिस्तान के खिलाफ दिल्ली में खेला था। ईशान ने भारत के लिए अब तक 27 वनडे मैच खेले हैं, जिसमें 42.40 की औसत और 102.19 के स्ट्राइक रेट से 933 रन बनाए हैं। ईशान के नाम वनडे में एक दोहरा शतक और 7 अर्धशतक भी दर्ज हैं। भारतीय टेस्ट टीम शुभमन गिल (कप्तान), केएल राहुल (उपकप्तान), यशस्वी जायसवाल, साई सुदर्शन, ऋषभ पंत, देवदत्त पडिक्कल, नीतीश कुमार रेड्डी, वॉशिंगटन सुंदर, कुलदीप यादव, मोहम्मद सिराज, प्रसिद्ध कृष्णा, मानव सुथार, गुरनूर बरार, हर्ष दुबे और ध्रुव जुरेल। भारतीय वनडे टीम शुभमन गिल (कप्तान), रोहित शर्मा, विराट कोहली, श्रेयस अय्यर, केएल राहुल, अर्शदीप सिंह, ईशान किशन, हार्दिक पंड्या, नीतीश कुमार रेड्डी, वॉशिंगटन सुंदर, कुलदीप यादव, प्रसिद्ध कृष्णा, प्रियांश यादव, गुरनूर बरार और हर्ष दुबे।
लौकी की कढ़ी रेसिपी: गर्मी में पेट को ठंडा करने वाली दही और लौकी की कढ़ी, बच्चे भी हो जाएंगे फैन; नोट करें मिनट वाली रेसिपी

अगर आप भी रोज-रोज की दुकान से बोर हो गए हैं, तो इस बार घर पर खरीदें लौकी की स्वादिष्ट कढ़ी. छवि: एआई लोकी की कढ़ी बनाने की सामग्री: 1 कप लौकी, 1 कप दही, 2 बड़े बेसन, 1 हरी मिर्च नारंगी कटी हुई, 1 छोटा अदरक अदरक का पेस्ट, 1/2 छोटा अदरक हल्दी पाउडर, स्वाद नमक, 3 कप पानी छवि: फ्रीपिक धन्यवाद के लिए: 1 बड़ा चम्मच घी, 1/2 छोटा चम्मच मेथी दाना, 1/4 छोटा चम्मच मेथी दाना, 2 सूखी लाल मिर्च, चुटकीभर हींग, कैरी पत्ता। इसका स्वाद इतना अच्छा है कि बच्चा भी बार-बार खाने की मांग करेगा। छवि: फ्रीपिक बनाने की आसान विधि: सबसे पहले लोकी को ढोकर कद्दू कर लें। अब एक बड़ी झील में दही, बेसन और पानी के महानुभावों से फेंट लें ताकि गुठलियां न रहें। छवि: एआई इसके बाद इसमें कद्दू, की हुई लौकी, हल्दी, नमक, हरी मिर्च और अदरक दाल शामिल हैं। अब इस मिश्रण को गैस पर मध्यम आँच में मसाले के लिए रख दें। बीच-बीच में रुकें ताकि कढ़ी नीचे न लगें। छवि: एआई करीब 15-20 मिनट में लड़की अच्छी तरह पैक करेगी और थोड़ी थोड़ी गाड़ी होगी। अब एक छोटे पैन में घी गर्म करने के लिए तड़का लगाएं। इसमें जीरा, मेथी दाना, हींग, सूखी लाल मिर्च और कैरी पत्ता शामिल हैं। छवि: एआई जब तड़का अच्छी तरह से दिया जाए, तो इसे तैयार कर लें कढ़ी में डाल दें। बस तैयार है स्वादिष्ट और शानदार लौकी की कढ़ी। लौकी की कढ़ी को गरम-गरम चावल, जीरा चावल या रोटी के साथ सर्व करें. छवि: एआई ऊपर से छोटी हरी धनिया का स्वाद और भी बढ़ जाता है। शरीर को ठंडक प्रबंधन में मदद मिलती है। पाचन क्रिया बेहतर होती है। व्यवसाय होने का कारण आसानी से पच जाता है। छवि: सोशल मीडिया हीट डिहाइड्रेशन में आराम मिलता है। बच्चों और बड़ों दोनों के लिए कार्मिक पद की नियुक्ति होगी। अगर आप समर में कुछ फ़्लैक्शन, टेस्टी और कलाकृतियां बनाना चाहते हैं, तो लोकी की कढ़ी ज़रूर बनाएं। छवि: फ्रीपिक
दिल, दिमाग और पाचन का रक्षक वचा पौधा, आयुर्वेद में इसे क्यों माना जाता है संपूर्ण स्वास्थ्य का चमत्कारी उपाय?

Last Updated:May 19, 2026, 15:45 IST वचा (वच) एक औषधीय आयुर्वेदिक पौधा माना जाता है, जो दिल, दिमाग और पाचन के लिए लाभकारी बताया गया है. यह रक्त संचार सुधारने, तनाव कम करने, मानसिक शांति देने और पाचन तंत्र को मजबूत करने में मदद करता है. आयुर्वेद के अनुसार इसके सेवन से हृदय पर दबाव कम होता है और शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता भी बढ़ती है. हालांकि इसके उपयोग से पहले विशेषज्ञ की सलाह लेना जरूरी माना जाता है. आयुर्वेद के अनुसार, वचा पौधा शरीर में रक्त संचार को बेहतर बनाने में मदद करता है और दिल को मजबूत रखने में सहायक माना जाता है. इसके अलावा यह तनाव कम करने, दिमाग को शांत रखने और पाचन सुधारने में भी उपयोगी बताया गया है. तनाव कम होने से हृदय पर पड़ने वाला दबाव भी घटता है. आयुर्वेद में वचा (वच) पौधे को एक खास औषधीय पौधा माना गया है. इसे पारंपरिक रूप से हृदय से जुड़ी समस्याओं में लाभकारी बताया जाता है. वाच का उपयोग प्राचीन समय से आयुर्वेदिक उपचार में किया जा रहा है. डॉ. अभिषेक कुमार मिश्रा बताते हैं कि इसके अलावा वचा पौधा पाचन तंत्र को भी मजबूत करता है. आयुर्वेद में माना जाता है कि खराब पाचन कई बीमारियों की जड़ होता है. वाच गैस, अपच और पेट की अन्य समस्याओं को दूर करने में मदद करता है. जब पाचन सही रहता है, तो शरीर में पोषक तत्व अच्छी तरह से अवशोषित होते हैं, जिससे हृदय समेत पूरे शरीर को लाभ मिलता है. Add News18 as Preferred Source on Google डॉ. अभिषेक मिश्रा के अनुसार, वचा पौधा शरीर में रक्त संचार को बेहतर बनाता है. जब शरीर में खून का प्रवाह सही तरीके से होता है, तो हृदय पर दबाव कम पड़ता है और दिल स्वस्थ रहता है. वाच के सेवन से नसों में जमा गंदगी को हटाने में मदद मिलती है, जिससे हार्ट ब्लॉकेज जैसी समस्याओं का खतरा कम हो सकता है. यही कारण है कि आयुर्वेदाचार्य इसे दिल को मजबूत बनाने वाला पौधा मानते हैं. लोकल 18 से बातचीत के दौरान रामनाथ आरोग्यधाम के वैद्य (डॉ.) अभिषेक कुमार मिश्रा बताते हैं कि वचा (वच) के पौधे दिल और दिमाग के लिए काफी फायदेमंद माना जाता है. माना जाता है कि इसके पंचमूल का प्रयोग करके दिल से और दिमाग से संबंधित बीमारियों को दूर किया जा सकता है. वचा पौधे का एक बड़ा गुण यह भी है कि यह तनाव और मानसिक थकान को कम करने में सहायक होता है. आजकल की भागदौड़ भरी जिंदगी में तनाव दिल की बीमारियों का एक बड़ा कारण बन चुका है. वाच दिमाग को शांत रखने में मदद करता है और चिंता को कम करता है. जब मन शांत रहता है, तो इसका सीधा असर दिल की सेहत पर पड़ता है. तनाव कम होने से हृदय पर पड़ने वाला अतिरिक्त दबाव भी घट जाता है. डॉ. अभिषेक मिश्रा बताते हैं कि इसके जड़ को सुखाकर पाउडर बनाकर इसका प्रयोग किया जा सकता है और इसके पांचों मूल का भी प्रयोग किया जाता है. इसका प्रयोग 4 रत्ती से 3 ग्राम तक किया जाता है, लेकिन इसका प्रयोग करने से पहले अपने डॉक्टर या किसी आयुर्वेदाचार्य से एक बार सलाह जरूर लें. डॉ अभिषेक कुमार मिश्रा बताते हैं कि वचा (वच) का पौधा लगाना भी काफी आसान है. इसको गमले में या किचन गार्डन में आसानी से लगाया जा सकता है. डॉ. अभिषेक कुमार मिश्रा बताते हैं कि वचा का उपयोग सिर्फ दिल और पाचन के लिए ही नहीं, बल्कि सर्दी-खांसी, दमा और आवाज से जुड़ी समस्याओं में भी किया जाता है. कई जगहों पर इसे बच्चों की याददाश्त बढ़ाने और बोलने की क्षमता सुधारने के लिए भी उपयोग में लाया जाता है. डॉ. अभिषेक कुमार मिश्रा के अनुसार, वाच में मौजूद औषधीय गुण शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने में भी सहायक होते हैं. न्यूज़18 को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें।
प्याज की गंध: प्याज ही मुंह से निकलता है भयंकर विनाशकारी? इन 5 रसोई उपकरणों से चुकियों में गंध होगी दूर

प्याज की गंध दूर करें: रसोई में खाने से प्याज पूरे स्वाद को बढ़ा देता है, साथ ही गर्मियों में ये शरीर को अंदर से ठंडक भी देता है। लेकिन प्याज या कटर के बाद बार-बार हाथों और मुंह में तेजी से विघटन दिखाई देता है। क्योंकि इसमें मौजूद सकल कंपनी ग्राउंड्स माउथ से लंग्स प्याज़ तक के उद्यम लंबे समय तक गंध पैदा करते रहते हैं। पेज का तेज धमाका आने के कई बार ग्रुप में शर्मिंदगी मेहसूस होता है। इस समस्या से निपटने के लिए कुछ आसान और आसान उपाय हैं, जिन्हें आप अपना सकते हैं। प्याज खाने के कुछ देर बाद एक सेब खा लें। सेब में मौजूद एंजाइम्स ओबॅन्ज के स्टूडियो कंपाउंड्स को तोड़ने में मदद करते हैं। इससे संसारों की दुर्गंध काफी हद तक कम हो जाती है। टेम्प्लेट में स्क्रैप हटाने की क्षमता शानदार है। हाथों पर छोटे सा नींबू का रस राँचें या पानी से मुंह कर लें। इसमें मौजूद साइट्रिक एसिड बैक्टीरिया को नष्ट कर दिया जाता है और गंध को तुरंत ख़त्म कर दिया जाता है। ग्रीन टी में पॉलीफेनोल्स जैसे एंटीऑक्सीडेंट होते हैं। ये प्याज की गंध पैदा होने वाले तत्वों को नष्ट कर देती है। खाने के बाद एक कप गर्म ग्रीन टी पीने से मुंह में पानी रहता है और चर्चे का असर कम होता है। एक अनोखा लेकिन साधन ये भी है कि क्लासिक स्टील पर हैंड राँच लें। स्टील के चाकू प्याज़ के फ़ोर्स से जुड़कर गंध को खाल से अलग कर देते हैं। इसके अलावा हाथों पर नमक रांगेकर धोने से भी बदबू कम हो जाती है। मुंह की दुर्गंध के लिए एप्पल साइडर सिरका या सोडा वाले पानी से खरीदें। इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी से लेकर मुंबई तक की सबसे बड़ी कंपनियों में से एक है। जिसमें बैंच माउंट और स्टेबल कंट्रोल नहीं रहता है। ये सभी उपाय, आसान और घर में मीटिंग वाली सामग्री से ही जा सकते हैं। अगली बार प्याज या कटर के बाद इन एनीस्ट को पॉलिश और टैरोटाजा महसूस करें। (टैग्सटूट्रांसलेट)प्याज की गंध दूर करना(टी)प्याज की गंध दूर करना(टी)प्याज के बाद सांसों की दुर्गंध(टी)प्याज की गंध दूर करने के प्राकृतिक तरीके(टी)प्याज से सांस के उपाय
मंत्री पद छोड़ने वाले स्ट्रीटिंग अब पीएम की दौड़ में:स्वास्थ्य मंत्री पद से इस्तीफा, 2018 में किया था 10 साल बाद प्रधानमंत्री बनने का दावा

ब्रिटेन के स्वास्थ्य मंत्री वेस स्ट्रीटिंग ने प्रधानमंत्री कीर स्टारमर के नेतृत्व पर भरोसा खत्म होने का हवाला देते हुए हाल ही में इस्तीफा दे दिया। पत्र में उन्होंने कहा कि स्टारमर लेबर पार्टी को अगला चुनाव नहीं जिता पाएंगे। इसे स्ट्रीटिंग की प्रधानमंत्री पद की महत्वाकांक्षा से जोड़कर देखा जा रहा है। वेस स्ट्रीटिंग को ब्रिटिश राजनीति का बेहद चतुर खिलाड़ी माना जाता है। विश्लेषक डेविड जेफरी बताते हैं कि स्ट्रीटिंग लंबे समय से पीएम बनने की इच्छा रखते रहे हैं। साल 2018 के एक शो में उन्होंने 10 साल बाद खुद को प्रधानमंत्री तक बताया था। अब वे अपने उस दावे को हकीकत में बदलने के बेहद करीब दिख रहे हैं। स्ट्रीटिंग खुद को एक आम राजनेता नहीं मानते। उनका जीवन बेहद संघर्षपूर्ण रहा है। टावर हैमलेट्स के गरीब कामकाजी परिवार से आने वाले स्ट्रीटिंग ने कॉलेज और यूनिवर्सिटी की पढ़ाई का खर्च उठाने के लिए दुकानों में नौकरियां कीं। उन्होंने अपनी 2023 की किताब ‘वन बॉय, टू बिल्स एंड अ फ्राय अप’ में खुलासा किया था कि उनके दादा हथियारबंद लूट के मामले में जेल जा चुके थे। उन्होंने कैम्ब्रिज यूनिवर्सिटी के सेल्विन कॉलेज से इतिहास की पढ़ाई की और 2015 में पहली बार सांसद बने। डॉक्टरों से रहा टकराव: स्वास्थ्य मंत्री के तौर पर वेस स्ट्रीटिंग का ट्रैक रिकॉर्ड मजबूत है। उन्होंने मार्च 2026 तक 65% मरीजों का इलाज 18 हफ्तों के भीतर कराने का लक्ष्य रखा और ब्रिटेन की सरकारी स्वास्थ्य सेवा (एनएचएस) की वेटिंग लिस्ट में 17 साल की सबसे बड़ी कटौती दर्ज की। हालांकि डॉक्टरों की हड़तालों के चलते वे पार्टी के वामपंथी धड़े के निशाने पर भी रहे। लेबर पार्टी का नेतृत्व पाने के लिए उन्हें इसी वामपंथी सदस्यता का समर्थन जुटाना होगा, जिसे पीएम स्टारमर से भी ज्यादा कट्टर माना जाता है। अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रम्प से रहा है छत्तीस का आंकड़ा अगर स्ट्रीटिंग ब्रिटेन के अगले प्रधानमंत्री बनते हैं, तो लंदन-वॉशिंगटन रिश्तों पर नजर रहेगी, क्योंकि वे अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के मुखर आलोचक रहे हैं। ट्रम्प के पहले कार्यकाल (2017-2021) में स्ट्रीटिंग ने उन्हें ‘घिनौना’ शख्स तक कहा था। इसी तरह, गर्भावस्था में पैरासिटामोल और ऑटिज्म वाले ट्रम्प के दावे पर स्ट्रीटिंग ने कह चुके हैं कि लोग ‘ट्रम्प की फिजूल बातों’ के बजाय ब्रिटिश डॉक्टरों और वैज्ञानिकों की सुनें।
पंजाबी सिंगर की हत्या, लाश नहर में मिली:लुधियाना से गनपॉइंट पर किडनैप किया; आरोपी जबरन शादी करना चाहता था

लुधियाना में पंजाबी सिंगर इंदर कौर उर्फ यशइंदर कौर (29) की हत्या कर दी गई। आज सुबह 11 बजे उनका शव नीलो नहर में मिला। इंदर को 6 दिन पहले गन गनपॉइंट पर किडनैप किया गया, जिसके बाद से परिवार लगातार उनकी तलाश में जुटा हुआ था। परिवार ने कहा कि मोगा का रहने वाला व्यक्ति जबरदस्ती शादी करने का दबाव बना रहा था। मना करने पर उसने किडनैप कर लिया था। फिर हत्या करने के बाद वह कनाडा भाग है। वह हत्या करने के लिए ही कनाडा से नेपाल के रास्ते पंजाब आया था, फिर इसी रास्ते वापस भाग गया। तीन साल पहले दोनों की इंस्टाग्राम पर दोस्ती हुई थी, लेकिन जैसे ही इंदर को पता चला कि आरोपी शादीशुदा है और उसके बच्चे हैं, तो उसने शादी करने से मना कर दिया था, इसी बात से आरोपी खुन्नस रखने लगा था। फिलहाल पुलिस ने मृतका के शव को नहर से बाहर निकलवा लिया और पोस्टमॉर्टम के लिए समराला के सिविल अस्पताल में भेज दिया है। इंदर के माता-पिता और दो भाई कोरिया में रहते हैं। जबकि उसका एक भाई लुधियाना के जमालपुर में रहता है। बाजार से घर का राशन-पानी लेने गई थी सिंगर के भाई जोतइंदर सिंह ने कहा कि, इंदर कौर 13 मई को रात करीब साढ़े 6 बजे अपनी सफेद रंग की फोर्ड फिगो कार लेकर बाजार से घर का राशन-पानी (ग्रॉसरी) लेने निकली थी, लेकिन वह वापस घर नहीं लौटी। जब लड़की वापस नहीं आई, तो परिवार वालों ने अपने स्तर पर उसकी तलाश शुरू की। छानबीन के दौरान उन्हें पता चला कि यशइंदर की दोस्ती सुखविंदर सिंह उर्फ सुक्खा नाम के एक व्यक्ति से थी, जो मूल रूप से मोगा का रहने वाला है, लेकिन अभी अपने परिवार के साथ कनाडा में रहता है। 13 मई की रात को सुखविंदर सिंह उर्फ सुक्खा, उसके पिता प्रीतम सिंह, उसके दोस्त करमजीत सिंह और कुछ अन्य अज्ञात साथियों ने मिलकर यशइंदर कौर को गन-पॉइंट पर जान से मारने की नीयत से अगवा कर लिया। कनाडा से नेपाल के रास्ते पंजाब आया आरोपी भाई ने कहा कि सुखविंदर सिंह उर्फ सुक्खा, यशइंदर कौर पर जबरदस्ती शादी करने का दबाव बना रहा था और इस काम में सुक्खा के पिता प्रीतम सिंह भी उसका साथ दे रहे थे। दूसरी तरफ, यशइंदर को पता चल चुका था कि सुखविंदर पहले से ही शादीशुदा है और उसके बच्चे भी हैं, इसलिए वह इस शादी के लिए साफ मना कर रही थी। उन्होंने कहा कि इसी बात का बदला लेने के लिए उसका अपहरण किया गया। आरोपी कनाडा से नेपाल के रास्ते पंजाब आया था। मोगा से वह दो टैक्सियां किराए पर लेकर आया। यहां आकर उसने उसकी बहन को गन पॉइंट पर किडनैप किया। इसके बाद आरोपी सुखविंदर सिंह ने नहर के किनारे बहन की हत्या की और उसके बाद फिर से नेपाल के रास्ते कनाडा भाग गया है। 5 साल पहले इंस्टाग्राम पर दोस्ती हुई थी पांच साल पहले इंदर कौर ने सिंगिंग छोड़ दी थी और अब बुटीक व मेकअप आर्टिस्ट का काम कर रही थी। बहन और आरोपी सुखविंदर की इंस्टाग्राम पर पिछले 5 साल से दोस्ती थी। वो घर आता जाता रहता था। उसका कनाडा में कंस्ट्रक्शन का काम था। मेरी भी उससे बातचीत होती रहती थी। जब पता चला कि वो शादीशुदा है, तो फिर बहन ने शादी से इनकार कर दिया। 13 मई को आखिरी बार 10 बजे रात को इंदर कौर से बात हुई। उसने कहा कि मैं घर आ रही हूं। उसके बाद उसका फोन बंद हो गया। उसके बाद नहीं पता कि क्या हो गया। इंदर के जन्मदिन पर भी आया था आरोपी रिश्तेदार और पूर्व पार्षद जसपाल सिंह ग्यासपुरा ने बताया कि सुखविंदर और इंदर की दोस्ती करीब 5-6 साल पुरानी थी। 13 जनवरी को इंदर के जन्मदिन पर भी सुखविंदर आया था। मार्च में उसने इंदर से शादी करने का वादा किया था, लेकिन बाद में कहने लगा कि कुछ समय बाद शादी करेंगे। बाद में परिवार को पता चला कि वह पहले से शादीशुदा है और उसके दो बच्चे भी हैं। उन्होंने बताया कि सुखविंदर कनाडा के कैलगरी में रहता है और वहां का PR होल्डर है। उसकी उम्र 37 साल है। दोनों की पहचान सोशल मीडिया के जरिए हुई थी। जसपाल सिंह ने आरोप लगाया कि सुखविंदर ने ही इंदर की हत्या की है। उन्होंने कहा कि पुलिस ने कार और शव दोनों बरामद कर लिए हैं, जबकि दो लोगों को गिरफ्तार भी किया गया है। किडनैपिंग वाली बात नहीं है। सुखविंदर ने कहा कि वो विदेश जा रहा है, तो इंदर उसे अपनी कार से छोड़ने जा रही थी। रास्ते में दोनों में क्या हुआ पता नहीं और उसने उसकी हत्या कर दी। मामले की जांच कर रही पुलिस थाना जमालपुर के एसएचओ बलबीर सिंह ने कहा कि नीलो नहर में से लाश मिलने की सूचना मिली थी। इसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची और शव की शिनाख्त के लिए परिवार को बुलाया गया। जिसके बाद उसकी पहचान की गई। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
नहाने से पहले बालों में लगा लीजिए यह देसी चीज, शैम्पू की नहीं पड़ेगी जरूरत, हेयरफॉल से मिलेगी राहत

Last Updated:May 19, 2026, 12:55 IST Curd Remedy for Hair: दही को बालों में लगाने से स्कैल्प को पोषण मिल सकता है और बाल मुलायम व चमकदार बन सकते हैं. यह घरेलू उपाय हेयरफॉल कम करने और केमिकल वाले शैम्पू के इस्तेमाल को घटाने में मदद कर सकता है. अगर आपको बालों से जुड़ी ज्यादा समस्या है, तो डॉक्टर से मिलकर जांच कराना जरूरी है. बालों में दही लगाने से कई समस्याएं कम हो सकती हैं. Natural Hair Care Tips: बालों से जुड़ी समस्याएं आजकल तेजी से बढ़ रही हैं. बदलती लाइफस्टाइल, धूल-मिट्टी, प्रदूषण, गलत खानपान और केमिकल वाले हेयर प्रोडक्ट्स की वजह से कई लोग कमजोर और टूटते बालों से परेशान रहते हैं. ऐसे में लोग महंगे शैम्पू और हेयर ट्रीटमेंट का सहारा लेते हैं, लेकिन कई बार इनका असर ज्यादा समय तक नहीं टिकता. अगर आप बालों को प्राकृतिक तरीके से मजबूत और साफ रखना चाहते हैं, तो दही एक बेहतरीन देसी उपाय माना जाता है. एक्सपर्ट्स के अनुसार नहाने से पहले बालों में दही लगाने से स्कैल्प को पोषण मिल सकता है और कई लोगों को हेयरफॉल में राहत मिल सकती है. यूपी के हाथरस स्थित प्रेम रघु आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज की प्रिंसिपल और आयुर्वेदाचार्य डॉ. सरोज गौतम ने News18 को बताया दही में प्रोटीन, कैल्शियम, विटामिन-B5 और अच्छे बैक्टीरिया पाए जाते हैं, जो स्कैल्प और बालों के लिए फायदेमंद माने जाते हैं. यह स्कैल्प को मॉइश्चर देने में मदद कर सकता है, जिससे रूखापन और डैंड्रफ कम हो सकता है. दही बालों को प्राकृतिक रूप से मुलायम और चमकदार बनाने में भी मदद कर सकता है. यही वजह है कि कई घरेलू हेयर पैक में दही का इस्तेमाल किया जाता है. दही स्कैल्प की गंदगी और अतिरिक्त तेल को साफ करने में मदद कर सकता है. एक्सपर्ट के अनुसार अगर बाल ज्यादा गंदे न हों, तो कई लोग दही लगाने के बाद सिर्फ पानी से बाल धो लेते हैं. इससे कैमिकल वाले शैम्पू का इस्तेमाल कम हो सकता है, जो बार-बार इस्तेमाल करने पर बालों को ड्राई बना सकते हैं. कमजोर स्कैल्प और ड्राइनेस की वजह से भी बाल टूटने लगते हैं. दही स्कैल्प को हाइड्रेट रखने में मदद कर सकता है, जिससे बालों की जड़ें मजबूत महसूस हो सकती हैं. हालांकि हेयरफॉल के पीछे हार्मोनल बदलाव, तनाव, पोषण की कमी और मेडिकल कारण भी हो सकते हैं. इसलिए अगर बाल ज्यादा झड़ रहे हों, तो डॉक्टर की सलाह लेना जरूरी माना जाता है. अब सवाल है कि दही बालों में कैसे लगाएं? डॉक्टर सरोज ने बताया कि सबसे पहले एक कटोरी ताजा दही लें. चाहें तो इसमें थोड़ा सा एलोवेरा जेल या मेथी पाउडर भी मिला सकते हैं. अब इसे स्कैल्प और बालों की लंबाई पर अच्छी तरह लगाएं. करीब 20 से 30 मिनट तक इसे बालों में लगा रहने दें और फिर हल्के गुनगुने पानी से धो लें. जरूरत महसूस हो तो हल्के माइल्ड शैम्पू का इस्तेमाल किया जा सकता है. अगर किसी को दही या डेयरी प्रोडक्ट्स से एलर्जी हो, तो इसका इस्तेमाल करने से पहले सावधानी बरतनी चाहिए. बहुत ज्यादा देर तक दही बालों में लगाकर रखने से कुछ लोगों को चिपचिपापन महसूस हो सकता है. सेहत, रिलेशनशिप, लाइफ या धर्म-ज्योतिष से जुड़ी है कोई निजी उलझन तो हमें करें WhatsApp, आपका नाम गोपनीय रखकर देंगे जानकारी. About the Author अमित उपाध्याय अमित उपाध्याय News18 हिंदी की लाइफस्टाइल टीम के अनुभवी पत्रकार हैं, जिनके पास प्रिंट और डिजिटल मीडिया में 9 वर्षों से अधिक का अनुभव है। वे हेल्थ, वेलनेस और लाइफस्टाइल से जुड़ी रिसर्च-बेस्ड और डॉक्टर्स के इंटरव्…और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्टोरीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्स में सबमिट करें
ट्विशा डेथ केसःको-स्टार बोला- वो पढ़ना चाहती थी:उसे एहसास हो गया कि फिल्में उसके बस की बात नहीं ; आत्महत्या से पहले मां से मांगी मदद

भोपाल के कटारा हिल्स में पूर्व जज गिरिबाला की बहू और पूर्व एक्ट्रेस ट्विशा शर्मा ने 11 मई को फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। उनकी मदद मांगने वाली चैट वायरल होने के बाद केस चर्चा में आ गया, जिसके बाद परिजनों जमकर हंगामा किया और ससुराल पर दहेज के लिए हत्या के आरोप लगाए। ट्विशा शर्मा, एक एक्ट्रेस थीं, जो कई एड फिल्म्स और साउथ फिल्मों का हिस्सा रही थीं। अब इस घटना के बाद अब ट्विशा के साथ फिल्म मुग्गुरू मोनागल्लू में काम कर चुके दीक्षित शेट्टी ने हाल ही में दावा किया है कि ट्विशा आगे पढ़ना चाहती थीं। एक्टर दीक्षित शेट्टी ने हिंदुस्तान टाइम्स को दिए इंटरव्यू में कहा, “यह बेहद चौंकाने वाली खबर है। मैं उन्हें हमेशा एक समर्पित और मेहनती लड़की के रूप में जानता था, जिसे अपने हर काम के प्रति जुनून था। वह जिंदगी से भरपूर थीं और यह जानकर बेहद हैरानी होती है कि उन्होंने अपनी जान ले ली।” आगे उन्होंने कहा, “मुझे तो यह भी नहीं पता था कि उसकी शादी हो गई थी। हमने साथ में सिर्फ एक फिल्म में काम किया था और फिर वह अपने घर लौट गई। उसने मुझसे कहा था कि वह अपनी मास्टर्स की पढ़ाई करना चाहती है और अभिनय वैसा नहीं था जैसा वह उम्मीद कर रही थी। उसका भाई आर्मी में था और उसे एहसास हो गया था कि यह उसके बस की बात नहीं है, इसलिए वह वापस जाकर अपने परिवार के साथ बसना चाहती थी।” आखिर में दीक्षित कहते हैं, “मैं हमारी फिल्म की स्क्रीनिंग वाले दिन उनके माता-पिता से मिला था और वे सभी बहुत अच्छे लोग थे। उनके निधन की खबर बेहद दुखद और चौंकाने वाली है।” कौन थीं ट्विशा शर्मा, क्या है पूरा मामला? 33 साल की ट्विशा शर्मा नोएडा की रहनेवाली थीं। उन्होंने एमबीए की पढ़ाई कर मॉडलिंग करियर शुरू किया था। वो मिस पुणे भी रह चुकी थीं। इसके बाद उन्होंने जारा संभल के (2018), मुग्गरु मोनागल्लू (2021) जैसी कुछ फिल्मों में काम भी किया था। एक्टिंग करियर में सफलता न मिलने पर उन्होंने दिल्ली की एक कंपनी में नौकरी की। दिल्ली में रहते हुए ट्विशा की ऑनलाइन डेटिंग एप की मदद से भोपाल के रहनेवाले एडवोकेट समर्थ सिंह से जान-पहचान हुई। कुछ समय तक रिलेशनशिप में रहने के बाद दोनों ने दिसंबर 2025 में परिवार के आशीर्वाद से शादी की थी। शादी के महज 5 महीने बाद ही 12 मई को ट्विशा के घरवालों को जानकारी मिली की उनकी बेटी का निधन हो गया है। परिवार वालों ने समर्थ के परिवार पर हत्या के आरोप लगाते हुए शिकायत दर्ज करवाई। घटना के बाद से ही समर्थ अंडरग्राउंड हो चुके हैं। भोपाल में ट्विशा का पोस्टमार्टम हुआ, लेकिन हत्या की जांच के बिना परिवार ने उनका शव लेने से इनकार कर दिया। ट्विशा की सास और पूर्व जज को घटना के बाद गिरफ्तार किया गया, लेकिन फिर उन्हें जमानत दे दी गई। ट्विशा की वॉट्सएप चैट भी वायरल हुई है। इसमें उसने लिखा “मुझे बहुत घुटन हो रही है मां… ये लोग न रोने देंगे, न हंसने की वजह देंगे।” बताया जा रहा है कि वो रात को मां से बात करने छत गई थीं, जिसके कुछ समय बाद उनका शव मिला। ट्विशा ने मौत से ठीक पहले अबॉर्शन भी करवाया था। इसी बीच उनकी सास गिरिबाला ने दावा किया है कि ट्विशा ड्रग्स लेती थीं और इसके चलते कई बार घर से घंटों बाहर रहती थीं। अब उस रात की घटना का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आ चुका है, जिसमें ट्विशा अकेले छत पर जाती दिख रही हैं। इसके ठीक बाद कुछ लोग उनका शव नीचे लाते दिखे।
ट्विशा डेथ केसःको-स्टार बोला- वो पढ़ना चाहती थी:उसे एहसास हो गया कि फिल्में उसके बस की बात नहीं ; आत्महत्या से पहले मां से मांगी मदद

भोपाल के कटारा हिल्स में पूर्व जज गिरिबाला की बहू और पूर्व एक्ट्रेस ट्विशा शर्मा ने 11 मई को फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। उनकी मदद मांगने वाली चैट वायरल होने के बाद केस चर्चा में आ गया, जिसके बाद परिजनों जमकर हंगामा किया और ससुराल पर दहेज के लिए हत्या के आरोप लगाए। ट्विशा शर्मा, एक एक्ट्रेस थीं, जो कई एड फिल्म्स और साउथ फिल्मों का हिस्सा रही थीं। अब इस घटना के बाद अब ट्विशा के साथ फिल्म मुग्गुरू मोनागल्लू में काम कर चुके दीक्षित शेट्टी ने हाल ही में दावा किया है कि ट्विशा आगे पढ़ना चाहती थीं। एक्टर दीक्षित शेट्टी ने हिंदुस्तान टाइम्स को दिए इंटरव्यू में कहा, “यह बेहद चौंकाने वाली खबर है। मैं उन्हें हमेशा एक समर्पित और मेहनती लड़की के रूप में जानता था, जिसे अपने हर काम के प्रति जुनून था। वह जिंदगी से भरपूर थीं और यह जानकर बेहद हैरानी होती है कि उन्होंने अपनी जान ले ली।” आगे उन्होंने कहा, “मुझे तो यह भी नहीं पता था कि उसकी शादी हो गई थी। हमने साथ में सिर्फ एक फिल्म में काम किया था और फिर वह अपने घर लौट गई। उसने मुझसे कहा था कि वह अपनी मास्टर्स की पढ़ाई करना चाहती है और अभिनय वैसा नहीं था जैसा वह उम्मीद कर रही थी। उसका भाई आर्मी में था और उसे एहसास हो गया था कि यह उसके बस की बात नहीं है, इसलिए वह वापस जाकर अपने परिवार के साथ बसना चाहती थी।” आखिर में दीक्षित कहते हैं, “मैं हमारी फिल्म की स्क्रीनिंग वाले दिन उनके माता-पिता से मिला था और वे सभी बहुत अच्छे लोग थे। उनके निधन की खबर बेहद दुखद और चौंकाने वाली है।” कौन थीं ट्विशा शर्मा, क्या है पूरा मामला? 33 साल की ट्विशा शर्मा नोएडा की रहनेवाली थीं। उन्होंने एमबीए की पढ़ाई कर मॉडलिंग करियर शुरू किया था। वो मिस पुणे भी रह चुकी थीं। इसके बाद उन्होंने जारा संभल के (2018), मुग्गरु मोनागल्लू (2021) जैसी कुछ फिल्मों में काम भी किया था। एक्टिंग करियर में सफलता न मिलने पर उन्होंने दिल्ली की एक कंपनी में नौकरी की। दिल्ली में रहते हुए ट्विशा की ऑनलाइन डेटिंग एप की मदद से भोपाल के रहनेवाले एडवोकेट समर्थ सिंह से जान-पहचान हुई। कुछ समय तक रिलेशनशिप में रहने के बाद दोनों ने दिसंबर 2025 में परिवार के आशीर्वाद से शादी की थी। शादी के महज 5 महीने बाद ही 12 मई को ट्विशा के घरवालों को जानकारी मिली की उनकी बेटी का निधन हो गया है। परिवार वालों ने समर्थ के परिवार पर हत्या के आरोप लगाते हुए शिकायत दर्ज करवाई। घटना के बाद से ही समर्थ अंडरग्राउंड हो चुके हैं। भोपाल में ट्विशा का पोस्टमार्टम हुआ, लेकिन हत्या की जांच के बिना परिवार ने उनका शव लेने से इनकार कर दिया। ट्विशा की सास और पूर्व जज को घटना के बाद गिरफ्तार किया गया, लेकिन फिर उन्हें जमानत दे दी गई। ट्विशा की वॉट्सएप चैट भी वायरल हुई है। इसमें उसने लिखा “मुझे बहुत घुटन हो रही है मां… ये लोग न रोने देंगे, न हंसने की वजह देंगे।” बताया जा रहा है कि वो रात को मां से बात करने छत गई थीं, जिसके कुछ समय बाद उनका शव मिला। ट्विशा ने मौत से ठीक पहले अबॉर्शन भी करवाया था। इसी बीच उनकी सास गिरिबाला ने दावा किया है कि ट्विशा ड्रग्स लेती थीं और इसके चलते कई बार घर से घंटों बाहर रहती थीं। अब उस रात की घटना का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आ चुका है, जिसमें ट्विशा अकेले छत पर जाती दिख रही हैं। इसके ठीक बाद कुछ लोग उनका शव नीचे लाते दिखे।







