Tuesday, 13 Oct 2026 | 10:26 PM

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सिंधिया के बेटे की भूल, श्रद्धांजलि की जगह शुभकामनाएं दी:कांग्रेस ने 'ऊंट के मुंह में जीरा' खिलाया; आगे मंत्री का श्रमदान, पीछे जेसीबी से काम

सिंधिया के बेटे की भूल, श्रद्धांजलि की जगह शुभकामनाएं दी:कांग्रेस ने 'ऊंट के मुंह में जीरा' खिलाया; आगे मंत्री का श्रमदान, पीछे जेसीबी से काम

मध्य प्रदेश की राजनीति, नौकरशाही और अन्य घटनाओं पर चुटीली और खरी बात का वीडियो (VIDEO) देखने के लिए ऊपर क्लिक करें। इन खबरों को आप पढ़ भी सकते हैं। ‘बात खरी है’ मंगलवार से रविवार तक हर सुबह 6 बजे से दैनिक भास्कर एप पर मिलेगा। मंच पर चूक कर बैठे महानआर्यमन सिंधिया केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के बेटे और मध्य प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष महानआर्यमन सिंधिया से एक चूक हो गई। उन्होंने शहीद दिवस पर श्रद्धांजलि की जगह शुभकामनाएं दे डालीं। महानआर्यमन सिंधिया अशोक नगर जिले के मुंगावली में अर्जुन कप क्रिकेट टूर्नामेंट के शुभारंभ के लिए पहुंचे थे। इस मौके पर उन्होंने कहा- भगत सिंह, सुखदेव और राजगुरु दिवस पर सबको शुभकामनाएं, हमारे पूरे परिवार को शुभकामनाएं। उन्होंने टूर्नामेंट के शुभारंभ के दौरान क्रिकेट भी खेला। चौके-छक्के लगाए। मतलब मैदान पर परफेक्ट शॉट खेले, लेकिन जब मंच पर आए तो गलती कर गए। अब लोग कह रहे हैं कि शहीद दिवस पर उनका शुभकामनाएं देना ‘स्लिप ऑफ टंग’ हो सकता है। लेकिन ये सियासी पिच है साहब, यहां संभलकर खेलना पड़ता है। नहीं तो विपक्ष ऐसे मौके लपकने के लिए तैयार बैठा रहता है। हालांकि, महानआर्यमन ने खिलाड़ियों का उत्साह बढ़ाया। उन्होंने राजनीति को लेकर कहा कि उनका यहां आने का उद्देश्य कोई राजनीतिक दिलचस्पी नहीं है, बल्कि यह एक पारिवारिक और प्रेम का रिश्ता है। उन्होंने कहा कि उनकी दिलचस्पी प्रगति, विकास और लोगों के लिए एक मंच बनाने में है। कांग्रेस का प्रदर्शन: ऊंट को जीरा खिलाया ऊंट के मुंह में जीरा.. आपने ये कहावत सुनी होगी। मंदसौर में कांग्रेस ने इसी तर्ज पर अनोखा प्रदर्शन किया। कांग्रेस नेताओं ने ऊंट को जीरा खिलाया। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि भाजपा ने चुनाव में वादा किया था कि किसानों का गेहूं 2700 रुपए प्रति क्विंटल की कीमत पर खरीदा जाएगा, लेकिन सरकार बनने के बाद यह वादा नहीं निभाया गया। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि सरकार ने किसानों को प्रति क्विंटल 40 रुपए बोनस देने की बात कही, जो ऊंट के मुंह में जीरा जैसा है। कांग्रेस के मुताबिक, यह एक सांकेतिक प्रदर्शन है, जो सरकार को जगाने के लिए किया गया। वैसे खरी बात ये है कि कांग्रेस के इस प्रदर्शन ने राह चलते लोगों का ध्यान तो खींचा, लेकिन जिनके लिए ये प्रदर्शन किया गया था- मतलब किसान, वे गिनती के ही नजर आए। आगे मंत्री का श्रमदान, पीछे जेसीबी से काम जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत सीहोर जिले के गुंजारी नर्मदा संगम घाट पर पहुंचे मंत्री प्रहलाद पटेल अलग ही अंदाज में नजर आए। उन्होंने हाथ में फावड़ा उठाकर श्रमदान किया और जमकर पसीना बहाया। मंत्री के इस श्रमदान का दृश्य सामने आते ही सवाल भी उठने लगे। लोग पूछ रहे हैं कि ये कैसा श्रमदान है, आगे-आगे मंत्री फावड़ा लेकर काम कर रहे हैं, जबकि पीछे जेसीबी मशीन से काम किया जा रहा है। कई लोग इसे महज फोटोशूट भी बता रहे हैं। हालांकि, मंत्री प्रहलाद पटेल ने कहा कि जो लोग श्रम कर रहे हैं, उनकी मदद करके ही बेहतर परिणाम लाए जा सकते हैं। उन्होंने कहा कि केवल जाकर फोटो खिंचवाकर लौट आना सही नहीं है, और वे हमेशा इस बात के विरोधी रहे हैं। मंत्री की जगह उनके बेटे को बनाया चीफ गेस्ट हमारा मध्य प्रदेश वाकई गजब है। ऐसा इसलिए कहना पड़ रहा है, क्योंकि भिंड में प्रशासन ने कुछ ऐसा ही कारनामा कर दिखाया है। हुआ यूं कि भिंड जिले के मेहगांव में ‘संकल्प से समाधान’ शिविर का आयोजन किया गया था। इस कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि मंत्री राकेश शुक्ला को आना था, लेकिन वे नहीं पहुंचे। इसके बाद प्रशासन ने उनके बेटे आलोक शुक्ला को ही चीफ गेस्ट बनाकर मंच पर बैठा दिया। आलोक शुक्ला किसी भी निर्वाचित पद पर नहीं हैं, इसके बावजूद उन्होंने मंच से हितग्राहियों को सरकारी योजनाओं के प्रमाण-पत्र बांटे। इतना ही नहीं, सरकारी प्रेस रिलीज में उन्हें जनप्रतिनिधि भी बताया गया। अब इस मामले में कांग्रेस ने ऐतराज जताया है। कांग्रेस का कहना है कि मंत्री के बेटे को मुख्य अतिथि बनाकर अधिकारियों ने कार्यक्रम की परंपरा और नियमों का उल्लंघन किया है। सभी अधिकारी मंत्री को खुश करने में लगे हैं। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया है कि प्रशासन मंत्री के बेटे की राजनीतिक लॉन्चिंग कर रहा है। इनपुट सहयोग – संजीव यादव (अशोक नगर), शादाब चौधरी (मंदसौर), पवन दीक्षित (भिंड), महेंद्र ठाकुर (सीहोर) ये भी पढ़ें – अफसर के पैर पकड़े, नेताजी बोले- आप बजरंग बली के अवतार हो: इंदौर में साफ-सफाई का गजब कारनामा देश की सबसे स्वच्छ सिटी इंदौर में साफ-सफाई का गजब कारनामा सामने आया है। एक तरफ शहर की कान्ह नदी में सफाई की जा रही है। नदी से कचरे को बाहर निकाला जा रहा है। वहीं दूसरी ओर घाट पर सफाई कर रहे कर्मचारी नदी में ही कचरा फेंकते नजर आ रहे हैं। पूरी खबर पढ़ें

KKR ने रसेल की जर्सी नंबर 12 रिटायर की:IPL में 11 साल टीम का हिस्सा रहे, 2 बार खिताब जिताया

KKR ने रसेल की जर्सी नंबर 12 रिटायर की:IPL में 11 साल टीम का हिस्सा रहे, 2 बार खिताब जिताया

कोलकाता नाइट राइडर्स ने अपने पूर्व ऑलराउंडर आंद्रे रसेल के सम्मान में उनकी जर्सी नंबर 12 को रिटायर कर दिया है। रसेल 2014 से 2025 तक टीम का हिस्सा रहे, सिर्फ 2017 सीजन को छोड़कर। पिछले साल नवंबर में उन्होंने IPL से संन्यास लिया और अब टीम के पावर कोच की भूमिका निभा रहे हैं। KKR के लिए खेले 133 मैच, 11 सीजन तक रहे पिलर आंद्रे रसेल का IPL करियर मुख्य रूप से कोलकाता नाइट राइडर्स के इर्द-गिर्द ही रहा। उन्होंने अपने कुल 140 IPL मैचों में से 133 मैच सिर्फ KKR के लिए खेले। वे 11 सीजन तक टीम के सबसे महत्वपूर्ण खिलाड़ी बने रहे। रसेल ने न केवल अपनी बल्लेबाजी से, बल्कि अपनी डेथ ओवर गेंदबाजी से भी टीम को कई मुश्किल मैचों में जीत दिलाई। 2014 और 2024 की खिताबी जीत का रहे हिस्सा रसेल दो बार KKR की खिताबी जीत (2014 और 2024) का हिस्सा रहे। 2014 में उन्होंने सिर्फ 2 मैच खेले थे, लेकिन 2024 में टीम को चैंपियन बनाने में उनकी भूमिका सबसे बड़ी रही। उस सीजन में रसेल ने 15 मैचों में 185 के स्ट्राइक रेट से 222 रन बनाए और 19 विकेट भी झटके। गेंदबाजी में उनका औसत 15.52 का रहा, जो किसी भी ऑलराउंडर के लिए बेहतरीन आंकड़ा है। कोचिंग पर बोले रसेल- खिलाड़ियों को वापस देने का समय है कोच की नई भूमिका को लेकर रसेल ने कहा,’मुझे नहीं लगता कि कोच बनने से मेरी मानसिकता में कोई बदलाव आया है। यह उन खिलाड़ियों को कुछ वापस देने जैसा है जिनके साथ और जिनके खिलाफ मैं सालों तक खेला हूं। मुझे वापस आकर इन लड़कों की मदद करने में बहुत अच्छा लग रहा है।’ ग्लोबल नाइट राइडर्स फैमिली का भी रहे चेहरा रसेल का नाता सिर्फ IPL वाली KKR से ही नहीं रहा, बल्कि वे नाइट राइडर्स की अन्य फ्रेंचाइजी के लिए भी खेलते रहे हैं। वे ILT20 में ‘अबू धाबी नाइट राइडर्स’ और CPL में ‘त्रिनबागो नाइट राइडर्स’ का भी हिस्सा रहे। इन दोनों ही टीमों के लिए उन्होंने 4-4 सीजन खेले हैं। इसके अलावा 2014-15 के चैंपियंस लीग टी-20 में भी उन्होंने KKR को फाइनल तक पहुंचाने में मदद की थी।

कर्नाटक में पॉलिसी- बच्चों का स्क्रीन टाइम 1 घंटा रहे:शाम 7 बजे के बाद इंटरनेट बंद; 9-12वीं के छात्रों के लिए ड्राफ्ट जारी

कर्नाटक में पॉलिसी- बच्चों का स्क्रीन टाइम 1 घंटा रहे:शाम 7 बजे के बाद इंटरनेट बंद; 9-12वीं के छात्रों के लिए ड्राफ्ट जारी

कर्नाटक सरकार ने 9वीं से 12वीं के छात्रों के डिजिटल इस्तेमाल को लेकर ड्राफ्ट पॉलिसी जारी की है। इसमें सिफारिश की गई है कि पढ़ाई के अलावा मनोरंजन के लिए स्क्रीन टाइम रोजाना 1 घंटे तय किया जाए। शाम 7 बजे के बाद इंटरनेट बंद करने की भी सिफारिश की गई है। ड्राफ्ट में कहा गया है कि छात्रों को सोने से एक घंटे पहले स्क्रीन से दूर रखा जाए। मोबाइल के लिए ‘चाइल्ड प्लान’ का सुझाव दिया गया है, जिसमें ऑडियो-ओनली विकल्प और तय समय के बाद इंटरनेट बंद करने की व्यवस्था होगी। उम्र के हिसाब से डिवाइस और ऑपरेटिंग सिस्टम डेवलप करने की भी बात कही गई है। सरकार के मुताबिक, करीब 25% किशोरों में इंटरनेट की लत है, जिससे नींद की कमी, चिंता और ध्यान भटकने जैसी समस्याएं हो रही हैं। इसी को देखते हुए यह पॉलिसी लाई गई है। डिजिटल यूज पर नई पॉलिसी के चार बड़ी बातें… कई संस्थानों के साथ मिलकर तैयार ड्राफ्ट यह पॉलिसी स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग ने कर्नाटक स्टेट मेंटल हेल्थ अथॉरिटी, निमहांस और शिक्षा विभाग ने मिलकर तैयार किया है। यह प्रस्ताव मुख्यमंत्री सिद्धारमैया के बजट में 16 साल से कम उम्र के बच्चों के सोशल मीडिया उपयोग पर सख्ती के ऐलान से अलग है। 6 मार्च को कर्नाटक सरकार ने बच्चों के सोशल मीडिया यूज पर बैन लगाया था कर्नाटक सरकार ने शुक्रवार को 16 साल से कम उम्र के बच्चों के लिए सोशल मीडिया के इस्तेमाल पर रोक लगाने का ऐलान किया था। कर्नाटक ऐसा करने वाला देश का पहला राज्य है। सीएम सिद्धारमैया ने बजट भाषण के दौरान कहा कि बच्चों में मोबाइल और सोशल मीडिया का उपयोग तेजी से बढ़ रहा है, जिससे उन पर गलत असर पड़ रहा है। उम्र का वैरिफिकेशन जरूरी होगी 16 साल से कम उम्र के बच्चों के लिए सोशल मीडिया बैन का प्रस्ताव डेटा सुरक्षा कानून डिजिटल पर्सनल डाटा प्रोटेक्शन एक्ट 2023 (DPDP) और पर्सनल डेटा प्रोटेक्शन रूल्स 2025 से भी जुड़ा है। इसके तहत बच्चों को अकाउंट बनाने से पहले माता-पिता की अनुमति और उम्र का वैरिफिकेशन जरूरी होगी। इसके लिए सरकारी पहचान प्रणाली या डिजिटल लॉकर का उपयोग किया जा सकता है। टीनएज में सोशल मीडिया के प्रति झुकाव ज्यादा टीनएज में ‘सोशल वैलिडेशन’ बहुत मायने रखता है। वहीं सोशल मीडिया टीनएजर्स को एक ऐसा मंच देता है, जहां वे अपनी पहचान बना सकते हैं और अपनी पसंद की चीजों को दुनिया के साथ साझा कर सकते हैं। यह उनके लिए केवल मनोरंजन नहीं, बल्कि एक वर्चुअल दुनिया है, जहां वे अपने अस्तित्व को तलाशते हैं। साथ ही यहां मिलने वाला इंस्टेंट रिएक्शन (लाइक्स, कमेंट्स और व्यूज) उन्हें यह एहसास कराता है कि लोग उन्हें देख रहे हैं और ये मायने रखता है। टीनएजर्स के सोशल मीडिया के प्रति अट्रैक्शन के कई कारण हो सकते हैं। ———————————————- ये खबर भी पढ़ें… सोशल मीडिया पर अश्लील कंटेंट को लेकर केंद्र की चेतावनी, कहा- कंपनियां ऐसे कंटेंट पर रोक लगाएं, नहीं तो केस होगा

सरबजीत कौर के डिपोर्टेशन मामले की जल्द सुनवाई मंजूर:लाहौर हाईकोर्ट ने जवाब तलब किया, पाकिस्तान में नूर फातिमा बनकर मुस्लिम से निकाह किया था

सरबजीत कौर के डिपोर्टेशन मामले की जल्द सुनवाई मंजूर:लाहौर हाईकोर्ट ने जवाब तलब किया, पाकिस्तान में नूर फातिमा बनकर मुस्लिम से निकाह किया था

पाकिस्तान गई पंजाबी महिला सरबजीत कौर के डिपोर्टेशन से जुड़े मामले में 24 मार्च को लाहौर हाईकोर्ट में सुनवाई हुई। सुनवाई के दौरान एडवोकेट अली चंगेजी संधू ने अर्ली हियरिंग की मांग करते हुए इसे मानवीय आधार पर तुरंत सुनने की दलील दी। अदालत ने दलीलों को स्वीकार करते हुए मामले को प्राथमिकता दी और जल्द सुनवाई के लिए आगे बढ़ाया। जस्टिस फारूक हैदर ने सुनवाई के दौरान संबंधित पक्षों से जवाब तलब किया और सभी जरूरी दस्तावेज समय पर पेश करने के निर्देश दिए। कोर्ट ने यह भी कहा कि मामले में कानून के साथ मानवीय पहलुओं को भी ध्यान में रखा जाएगा। अदालत ने अगली सुनवाई 25 मार्च तय की है। मामला वीजा नियमों के उल्लंघन से जुड़ा है, जिसके चलते उनके खिलाफ डिपोर्टेशन की कार्रवाई शुरू की गई थी। सरबजीत पाकिस्तान कैसे पहुंची, 3 पॉइंट में जानिए सरबजीत ने बताई लव स्टोरी, 2 पॉइंट में जानिए पहला पति लाहौर हाईकोर्ट पहुंचा, बोला- ब्लैकमेल-रेप किया इस मामले में सरबजीत के पहले पति करनैल सिंह की भी एंट्री हो चुकी है। करनैल ने लाहौर हाईकोर्ट में याचिका दायर कर कहा कि उसकी पत्नी को अश्लील फोटो के जरिए ब्लैकमेल किया गया। करनैल सिंह ने कहा कि मुझे सरबजीत की अश्लील फोटो आई थीं। मुझे, उसके (सरबजीत के) भाई को और मेरे बच्चों को भी भेजी गई थीं। इसके बाद सरबजीत सुसाइड करने लगी थी, जिसे बहुत मुश्किल से बचाया गया था। यह बात पाकिस्तान जाने से 2 साल पहले की है। उस समय हमने पाकिस्तान में वकील किया था कि इसे रोको। मगर वह रुका नहीं। बार-बार फोटो भेजता रहा था। वह सरबजीत को पाकिस्तान आने के लिए मजबूर करता था। वह कहती थी कि नासिर ब्लैकमेल करता है, पैसे मांगता है। इसी कारण वह ठीक भी नहीं रहती थी। सरबजीत डिप्रेशन की मरीज है। पति ने ये भी दावा किया कि वह दुखी होकर और मरने के किनारे जैसी हालत में अब भी कॉल कर देती है। वह कहती है कि मैं दुखी हूं, मरने के किनारे हूं, पता नहीं मैं कब मर जाऊं। करनैल ने लाहौर हाईकोर्ट से मांग की कि सरबजीत को भारत वापस भेजा जाए। नासिर हुसैन के खिलाफ रेप का केस दर्ज किया जाए। ॰॰॰॰॰॰॰॰॰ यह खबर भी पढ़ें… PAK गई पंजाबी महिला के सिखों पर भड़काऊ बोल:मुस्लिम पति संग बैठकर बोली- पाकिस्तान वाले एक हो जाएं तो इनका रोटी-पानी बंद करें सिख श्रद्धालुओं की आड़ में पाकिस्तान जाकर मुस्लिम व्यक्ति से निकाह करने वाली पंजाबी महिला सरबजीत का नया VIDEO सामने आया है। यह वीडियो टिकटॉक पर बनाया गया है, जिसमें सरबजीत के साथ उसका मुस्लिम पति नासिर हुसैन भी नजर आ रहा है। इस वीडियो में सरबजीत सिखों को लेकर बेहद आपत्तिजनक कमेंट करती हुई नजर आ रही है। पूरी खबर पढ़ें…

मास्टर प्लान सड़क विवाद में हाईकोर्ट का फैसला:नेहरू प्रतिमा से छावनी पुल मार्ग पर निगम का नोटिस निरस्त, कार्रवाई को बताया अनुचित

मास्टर प्लान सड़क विवाद में हाईकोर्ट का फैसला:नेहरू प्रतिमा से छावनी पुल मार्ग पर निगम का नोटिस निरस्त, कार्रवाई को बताया अनुचित

नेहरू प्रतिमा (मधुमिलन चौराहा) से छावनी पुल तक प्रस्तावित मास्टर प्लान सड़क के मामले में मध्यप्रदेश हाईकोर्ट की इंदौर खंडपीठ ने नगर निगम की कार्रवाई को अनुचित ठहराते हुए जारी नोटिस को निरस्त कर दिया है। कोर्ट ने निगम को निर्देश दिया है कि वह मामले में पुनः सुनवाई कर विधिसम्मत आदेश पारित करे। मामला इंदौर नगर निगम के जोन-11 के भवन अधिकारी द्वारा जारी उस नोटिस से जुड़ा है, जिसमें उक्त मार्ग को बाधक बताते हुए याचिकाकर्ता बसंत रावत के मकान को सात दिन के भीतर हटाने का निर्देश दिया गया था। नोटिस के बाद छावनी क्षेत्र के व्यापारियों और निगम प्रशासन के बीच विवाद की स्थिति बन गई थी। याचिकाकर्ता की ओर से एडवोकेट जयेश गुरनानी के माध्यम से हाईकोर्ट में याचिका दायर कर निगम की कार्रवाई को चुनौती दी गई। याचिका में कहा गया कि संबंधित मकान नगर निगम की अनुमति एवं स्वीकृत नक्शे के अनुसार निर्मित है, ऐसे में उसे हटाने की कार्रवाई विधिसम्मत नहीं है। सुनवाई के दौरान गुरनानी ने तर्क दिया कि 27 मई 2014 को नगर निगम ने स्वयं आदेश जारी कर उक्त सड़क की चौड़ाई 60 फीट (18 मीटर) निर्धारित की थी, जबकि वर्तमान नोटिस में सड़क की चौड़ाई 24 मीटर (80 फीट) बताई गई है, जो पूर्व आदेश के विपरीत है। साथ ही यह भी दलील दी गई कि इंदौर विकास योजना 2021 की वैधता को हाई कोर्ट पहले ही समाप्त घोषित कर चुका है, इसलिए उसके आधार पर कार्रवाई नहीं की जा सकती। याचिकाकर्ता की उपस्थिति में सड़क की सेंट्रल अलाइनमेंट भी निर्धारित नहीं की गई थी। इन तर्कों से सहमत होते हुए कोर्ट ने नगर निगम द्वारा जारी नोटिस को शून्य घोषित कर दिया तथा निगम को पुनः सुनवाई कर वैधानिक प्रक्रिया के तहत निर्णय लेने के निर्देश दिए। हाईकोर्ट के इस फैसले से छावनी क्षेत्र के व्यापारियों और प्रभावित पक्षों को राहत मिली है।

भास्कर अपडेट्स:सोनिया गांधी की तबीयत बिगड़ी, दिल्ली के गंगाराम अस्पताल में भर्ती कराया गया

भास्कर अपडेट्स:सोनिया गांधी की तबीयत बिगड़ी, दिल्ली के गंगाराम अस्पताल में भर्ती कराया गया

पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी की मंगलवार देर शाम तबीयत बिगड़ गई। उन्हें दिल्ली के सर गंगाराम हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है। सूत्रों के मुताबिक, मौसम बदलने से उनकी तबीयत बिगड़ी। हॉस्पिटल में उनके साथ राहुल गांधी और प्रियंका गांधी भी पहुंचे। डॉक्टरों की टीम उनकी निगरानी कर रही है। फिलहाल उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है। उन्हें एहतियातन ऑब्जर्वेशन में रखा गया है।

अनूपपुर में हाईवे पर कार ने बाइक को टक्कर मारी:शख्स रोड पर गिरा, सिर में गहरी चोट लगी; बेटी से मिलने जा रहा था

अनूपपुर में हाईवे पर कार ने बाइक को टक्कर मारी:शख्स रोड पर गिरा, सिर में गहरी चोट लगी; बेटी से मिलने जा रहा था

अनूपपुर जिले के नेशनल हाईवे 43 पर मंगलवार रात 8 बजे एक तेज रफ्तार कार ने बाइक सवार को जोरदार टक्कर मार दी। इस हादसे में 52 साल के रघुवीर सिंह गंभीर रूप से घायल हो गए। यह घटना फुनगा चौकी के पास दैखल गांव में हुई। पुष्पराजगढ़ के लमसराई निवासी रघुवीर सिंह अपनी बाइक से करपा से कोतमा जा रहे थे। उनकी बेटी कोतमा में रहकर कॉलेज की पढ़ाई करती है, जिससे मिलने के लिए वे घर से निकले थे। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि रघुवीर सिंह अपनी बाइक समेत सड़क पर काफी दूर जाकर गिरे। लहूलुहान हालत में अस्पताल पहुंचाया हादसे के बाद आस-पास के लोगों ने तुरंत पुलिस को खबर दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने घायल रघुवीर को फुनगा के सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया। उनके सिर में गहरी चोट आई थी और काफी खून बह रहा था। साथ ही, सड़क पर घिसटने की वजह से उनके शरीर का एक हिस्सा बुरी तरह छिल गया था। पुलिस ने दर्ज किया केस फुनगा चौकी प्रभारी सोने सिंह परस्ते ने बताया कि सूचना मिलते ही वे मौके पर पहुंचे और घायल को इलाज दिलवाया। प्राथमिक इलाज के बाद थोड़ा ठीक महसूस होने पर रघुवीर अपने किसी परिचित के घर चले गए। पुलिस ने अब कार ड्राइवर के खिलाफ लापरवाही से गाड़ी चलाने का केस दर्ज कर लिया है और उसकी तलाश शुरू कर दी है।

चाय के साथ सभी खाते हैं नमकीन, पर गर्मी में ये आदत कर देगी बड़ा नुकसान! जानें क्या-क्या नहीं खाना चाहिए

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Last Updated:March 24, 2026, 22:05 IST Summer Health Tips: मध्य प्रदेश के खरगोन सहित निमाड़ अंचल में तेज गर्मी के बावजूद चाय पीने वालों की संख्या कम नहीं होती. एमपी ही नहीं यूपी, बिहार, राजस्थान करीब-करीब हर जगह यही हाल है. लेकिन गर्मी में चाय के साथ कुछ चीजें खाना शरीर के लिए नुकसानदायक हो सकता है. हेल्थ एक्सपर्ट मानते हैं कि यह आदत बीमारियों का खतरा बढ़ा सकती है. जानें सब… चाय हमारी दिनचर्या का एक अहम हिस्सा माना जाता है. कई लोगों को सुबह उठते से ही चाय पीने की आदत होती है तो कई लोग दिन में कई बार चाय पीना और साथ में कुछ खाना भी पसंद करते हैं. लेकिन, गर्मी में यह आदत आपकी सेहत को बिगाड़ सकती है. कुछ चीजें ऐसी है जिन्हें चाय के साथ नहीं खाने की सलाह दी जाती है. खरगोन के हेल्थ एक्सपर्ट डॉ. संतोष मौर्य बताते हैं कि गर्मी में चाय के साथ नमकीन और तली चीजें न खाएं गर्मी के मौसम में चाय के साथ नमकीन, कचौरी, समोसा या ज्यादा तली हुई चीजें खाने से शरीर में गर्मी बढ़ती है. इससे पेट में जलन और गैस की समस्या बढ़ सकती है. लगातार ऐसा करने से Acidity और Indigestion की परेशानी बढ़ सकती है. कई लोग चाय पीने के बाद या साथ में दही या ठंडे पेय पदार्थ भी ले लेते हैं. डॉक्टर के अनुसार गर्म और ठंडी चीजें एक साथ लेने से पाचन तंत्र प्रभावित होता है. इससे पेट दर्द और उल्टी जैसी समस्या हो सकती है. Add News18 as Preferred Source on Google गर्मी में फल खाना शरीर के लिए अच्छा माना जाता है, लेकिन चाय के साथ फल खाना सही नहीं है. इससे पाचन धीमा हो सकता है और पेट में भारीपन महसूस होता है. लंबे समय तक ऐसा करने से गैस और कब्ज की समस्या बढ़ सकती है. चाय के साथ भजिया या बेसन से बनी चीजें खाने की आदत कई लोगों में होती है. गर्मी के मौसम में यह आदत शरीर का तापमान बढ़ा सकती है. इससे त्वचा पर दाने या Skin Allergy की समस्या भी हो सकती है. हालांकि, डॉक्टरों का यह भी मानना है कि, गर्मी में खाली पेट चाय पीना सबसे ज्यादा नुकसान पहुंचाता है. इससे पेट में जलन और सिर दर्द की शिकायत हो सकती है. एक्सपर्ट सलाह देते हैं कि चाय पीने से पहले हल्का नाश्ता जरूर करें. हेल्थ एक्सपर्ट के अनुसार गर्मी में कम मात्रा में चाय पीना बेहतर होता है. चाय के साथ हल्का और सुपाच्य नाश्ता लें. साथ ही दिनभर पर्याप्त पानी पीना जरूरी है ताकि शरीर का तापमान संतुलित बना रहे. First Published : March 24, 2026, 22:05 IST

बालाजी टेलीफिल्म्स, एलिप्सिस एंटरटेनमेंट और सुधीर चौधरी मिलकर फिल्म बनाएंगे:‘द टेरर रिपोर्ट’ पॉलिटिकल थ्रिलर होगी, इसमें भारत में हुए आतंकी हमलों और देश का रिएक्शन दिखेगा

बालाजी टेलीफिल्म्स, एलिप्सिस एंटरटेनमेंट और सुधीर चौधरी मिलकर फिल्म बनाएंगे:‘द टेरर रिपोर्ट’ पॉलिटिकल थ्रिलर होगी, इसमें भारत में हुए आतंकी हमलों और देश का रिएक्शन दिखेगा

बालाजी टेलीफिल्म्स, एलिप्सिस एंटरटेनमेंट और पत्रकार सुधीर चौधरी की कंपनी एस्प्रिट प्रोडक्शंस मिलकर फिल्म “द टेरर रिपोर्ट” बना रहे हैं। यह एक पॉलिटिकल थ्रिलर होगी। फिल्म में भारत में हुए आतंकी हमलों और उनके जवाब में देश की कार्रवाई को दिखाया जाएगा। इस फिल्म का निर्देशन विष्णु वर्धन करेंगे, जो 2021 की देशभक्ति फिल्म “शेरशाह” के लिए जाने जाते हैं। आतंकवाद के खिलाफ भारत की लड़ाई दिखेगी यह फिल्म सच्ची घटनाओं पर आधारित होगी और भारत पर हुए आतंकी हमलों और उनके खिलाफ देश की सख्त प्रतिक्रिया को दिखाएगी। “द टेरर रिपोर्ट” को 2024 में आई ““द साबरमती रिपोर्ट” का अगला भाग (सीक्वल) बताया जा रहा है। यह सीमा पार से होने वाले आतंकवाद के खिलाफ भारत की लंबी लड़ाई को बड़े पर्दे पर दिखाएगी। फिल्म में जांच-पड़ताल, खुफिया एजेंसियों के ऑपरेशन और लोगों की भावनात्मक कहानियों का मिश्रण देखने को मिलेगा। यह आधुनिक भारत की सुरक्षा से जुड़ी हालिया और महत्वपूर्ण घटनाओं पर आधारित होगी। प्रोड्यूसर टीम इस फिल्म को एकता कपूर, शोभा कपूर, तनुज गर्ग, अतुल कासबेकर और सुधीर चौधरी प्रोड्यूस कर रहे हैं। बता दें कि “द साबरमती रिपोर्ट” साल 2024 में रिलीज हुई थी, जिसमें विक्रांत मैसी और राशि खन्ना मुख्य भूमिका में थे। वह फिल्म 2002 के गोधरा कांड की घटना पर आधारित है। ——————————————-

उज्जैन में पेट्रोल-डीजल की कमी का भ्रम:प्रशासन का दावा: पर्याप्त स्टॉक, कुछ पंप बंद होने से बढ़ी परेशानी

उज्जैन में पेट्रोल-डीजल की कमी का भ्रम:प्रशासन का दावा: पर्याप्त स्टॉक, कुछ पंप बंद होने से बढ़ी परेशानी

उज्जैन में मंगलवार शाम कुछ पेट्रोल पंप बंद होने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। देशभर में ईंधन की उपलब्धता को लेकर चल रही चर्चाओं के बीच यह स्थिति सामने आई, जिससे स्थानीय स्तर पर भ्रम और चिंता बढ़ गई। देश में पेट्रोल-डीजल की उपलब्धता को लेकर इन दिनों व्यापक चर्चाएं चल रही हैं। कई स्थानों पर लोग एहतियात के तौर पर अधिक मात्रा में ईंधन भरवा रहे हैं, जिससे स्थानीय आपूर्ति पर दबाव बन रहा है। इसी पृष्ठभूमि में उज्जैन में भी कुछ पंपों के बंद होने से आमजन को दिक्कतें हुईं। शहर के दो तालाब क्षेत्र और नाना खेड़ा स्थित पेट्रोल पंपों पर शाम के समय पेट्रोल-डीजल की बिक्री बंद कर दी गई। इससे वहां पहुंचे लोगों को निराश लौटना पड़ा और कई लोग ईंधन के लिए भटकते दिखे। हालांकि, सीएनजी उपलब्ध थी। कुछ उपभोक्ताओं ने बताया कि पंप कर्मचारियों ने उन्हें अगले दिन सुबह ईंधन मिलने की जानकारी दी। इस स्थिति से फूड डिलीवरी जैसे कार्यों से जुड़े युवाओं का काम भी प्रभावित हुआ, जिससे उनकी आय पर सीधा असर पड़ा। हालांकि, जिला आपूर्ति नियंत्रक अधिकारी शालू वर्मा ने इन आशंकाओं को खारिज करते हुए स्पष्ट किया है कि उज्जैन जिले में पेट्रोल और डीजल की कोई कमी नहीं है। उन्होंने बताया कि जिले में पर्याप्त मात्रा में ईंधन का स्टॉक मौजूद है। इंडियन ऑयल के पंपों पर लगभग 690 हजार किलो लीटर पेट्रोल और 904 हजार किलो लीटर डीजल उपलब्ध है। भारत पेट्रोलियम के पंपों पर 280 हजार किलो लीटर पेट्रोल और 550 हजार किलो लीटर डीजल मौजूद है। इसी तरह, हिंदुस्तान पेट्रोलियम के पंपों पर 450 हजार किलो लीटर पेट्रोल और 650 हजार किलो लीटर डीजल उपलब्ध है। नायरा कंपनी के पंपों पर 112 हजार किलो लीटर पेट्रोल और 195 हजार किलो लीटर डीजल स्टॉक में है। एचपी गैस/अन्य पंपों पर 74 हजार किलो लीटर पेट्रोल और 118 हजार किलो लीटर डीजल उपलब्ध है। कुल मिलाकर, उज्जैन जिले में लगभग 1605 हजार किलो लीटर पेट्रोल और 2417 हजार किलो लीटर डीजल का पर्याप्त स्टॉक मौजूद है, जो किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पर्याप्त है।