सिद्धारमैया ने ‘निगरानी’ आरोप की आलोचना की, कहा कि शिवकुमार के साथ संबंध ‘दूध और शहद’ मजबूत है | राजनीति समाचार

आखरी अपडेट:मार्च 03, 2026, 18:39 IST कर्नाटक के मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि कांग्रेस विधायक व्यक्तियों के बजाय पार्टी के प्रति वफादार हैं और उन्हें व्यक्तिगत राय व्यक्त करने की स्वतंत्रता है सिद्धारमैया ने इस बात पर जोर दिया कि उनके और शिवकुमार के बीच दरार पैदा करने की विपक्ष की लगातार कोशिशों का परिणाम किसी वास्तविक दरार के बजाय केवल उनकी अपनी निराशा होगी। फ़ाइल चित्र/पीटीआई मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार की कथित निगरानी के संबंध में विपक्षी नेता आर अशोक और केंद्रीय मंत्री एचडी कुमारस्वामी द्वारा लगाए गए आरोपों पर तीखा खंडन जारी किया है। एक औपचारिक प्रेस बयान में, मुख्यमंत्री ने इन आरोपों को “चोर द्वारा दूसरों पर संदेह करने” का एक उत्कृष्ट मामला बताया, इन दावों को कांग्रेस पार्टी के सत्ता संभालने के बाद से अपनी राजनीतिक बेरोजगारी के साथ सामंजस्य बिठाने में असमर्थ “बेचैन आत्माओं” के हताश बयान के रूप में वर्णित किया। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि उनके और शिवकुमार के बीच का बंधन “दूध और शहद” की तरह मजबूत है, उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि उनके बीच दरार पैदा करने की विपक्ष की लगातार कोशिशों का परिणाम किसी वास्तविक दरार के बजाय केवल उनकी अपनी निराशा होगी। सीएम ने बताया कि ये आरोप लगाने वाले व्यक्ति स्वयं मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री और गृह मंत्री की भूमिकाओं सहित उच्च पदों पर रहे हैं, जिसके दौरान खुफिया विभाग सीधे उनके नियंत्रण में था। उन्होंने सुझाव दिया कि उनके आरोप किसी वर्तमान वास्तविकता के बजाय उनके अपने पिछले अनुभवों और कार्यप्रणाली से उपजे प्रतीत होते हैं। भाजपा के विपरीत, जहां नेता कथित तौर पर प्रधान मंत्री या जद (एस) के सामने कांपते हैं, जिसे उन्होंने एक ही परिवार के प्रभुत्व के तहत बताया, सिद्धारमैया ने इस बात पर प्रकाश डाला कि कांग्रेस आंतरिक लोकतंत्र के तहत काम करती है। उन्होंने स्पष्ट किया कि कांग्रेस विधायक व्यक्तियों के बजाय पार्टी के प्रति वफादार हैं और उन्हें संगठन के अनुशासनात्मक ढांचे के भीतर व्यक्तिगत राय व्यक्त करने की स्वतंत्रता है। हाल के राजनीतिक इतिहास से प्रेरणा लेते हुए, सिद्धारमैया ने जनता को “ऑपरेशन कमला” युग, रिसॉर्ट राजनीति और विश्वासघात के पिछले उदाहरणों की याद दिलाई, जिसके कारण 2004 और 2023 के बीच नेतृत्व में लगातार बदलाव हुए। उन्होंने विशेष रूप से वर्तमान भाजपा नेता बीवाई विजयेंद्र द्वारा एचडी कुमारस्वामी के खिलाफ आदिचुंचनगिरी मठ के प्रमुख संतों के फोन टैपिंग के संबंध में लगाए गए आरोपों को याद किया। उन्होंने कहा कि पहले एक सीबीआई जांच में कुमारस्वामी के कार्यकाल के दौरान कई धार्मिक नेताओं की निगरानी की पुष्टि की गई थी, जिससे पता चलता है कि जो लोग अतीत में खुद को अविश्वसनीय साबित कर चुके हैं, वे अब वर्तमान प्रशासन पर अपने व्यवहार के पैटर्न को पेश कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने आगे केंद्र सरकार की आलोचना करते हुए आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने न केवल विपक्षी हस्तियों बल्कि अपनी पार्टी के भीतर संभावित प्रतिद्वंद्वियों को डराने के लिए सीबीआई, ईडी और आईटी विभागों सहित राज्य मशीनरी का लगातार दुरुपयोग किया है। ऐसी कथित धमकियों के बावजूद, सिद्धारमैया ने घोषणा की कि न तो वह और न ही उनकी पार्टी का कोई भी नेता दबाव के आगे झुकेगा। उन्होंने अशोक और कुमारस्वामी को “कुटिल राजनीति” के बजाय रचनात्मक विरोध पर ध्यान केंद्रित करने की सलाह देते हुए निष्कर्ष निकाला कि कांग्रेस सरकार को कांग्रेस के मुख्यमंत्री के तहत अपना पांच साल का कार्यकाल पूरा करने के लिए कर्नाटक के लोगों से स्पष्ट जनादेश मिला है। पहले प्रकाशित: मार्च 03, 2026, 18:39 IST समाचार राजनीति सिद्धारमैया ने ‘निगरानी’ आरोप की आलोचना की, कहा कि शिवकुमार के साथ रिश्ता ‘दूध और शहद’ जैसा मजबूत है अस्वीकरण: टिप्पणियाँ उपयोगकर्ताओं के विचार दर्शाती हैं, News18 के नहीं। कृपया चर्चाएँ सम्मानजनक और रचनात्मक रखें। अपमानजनक, मानहानिकारक, या अवैध टिप्पणियाँ हटा दी जाएंगी। News18 अपने विवेक से किसी भी टिप्पणी को अक्षम कर सकता है. पोस्ट करके, आप हमारी उपयोग की शर्तों और गोपनीयता नीति से सहमत होते हैं। और पढ़ें (टैग्सटूट्रांसलेट)कर्नाटक(टी)कांग्रेस(टी)बीजेपी(टी)सिद्धारमैया(टी)डीके शिवकुमार
PM Modi: Developed Nations Seek Trade Deals

Hindi News National PM Modi: Developed Nations Seek Trade Deals | Gen Z Ready To Teach Congress Lesson नई दिल्ली3 मिनट पहले कॉपी लिंक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को कहा कि पिछले 12 सालों में भारत ने अपने अंदर की ताकत को पहचाना और खुद को मजबूत किया है। इसी आत्मविश्वास के कारण विकसित देश अब भारत के साथ व्यापार समझौते करने के लिए आगे आ रहे हैं। ‘न्यूज18 राइजिंग भारत समिट’ को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि अगर भारत अपनी क्षमता नहीं पहचानता और संस्थागत सुधार नहीं करता, तो कोई भी देश उसके साथ व्यापार समझौता करने के लिए तैयार नहीं होता। प्रधानमंत्री ने कांग्रेस की आलोचना करते हुए कहा- कांग्रेस के वोट चोरी नहीं हो रहे हैं, बल्कि देश की जनता अब कांग्रेस को वोट देने लायक नहीं समझती। यह सिलसिला 1984 के बाद शुरू हुआ।पहले तो मिलेनियल्स ने कांग्रेस को सबक सिखाया, और अब GEN-Z भी तैयार है। प्रधानमंत्री ने कहा- किसी देश की क्षमता अचानक विकसित नहीं होती, बल्कि वह पीढ़ियों के ज्ञान, परंपरा, परिश्रम और अनुभव से निर्मित होती है। उन्होंने कहा कि आजादी के बाद भी कुछ लोगों ने औपनिवेशिक मानसिकता को बनाए रखा, जिससे देश में हीन भावना घर कर गई थी। मोदी ने 2014 से पहले के दौर का जिक्र करते हुए कहा कि अगर देश ‘फ्रैजाइल फाइव’ में गिना जाता रहता और पॉलिसी पैरालिसिस बनी रहती, तो वैश्विक स्तर पर भारत को गंभीरता से नहीं लिया जाता। उन्होंने कहा कि देश में नई ऊर्जा आई है और भारत अपनी खोई हुई संभावनाओं को फिर से हासिल करने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
Rahul Gandhi Vs PM Modi; Congress Shirtless Protest Arrest Case

Hindi News National Rahul Gandhi Vs PM Modi; Congress Shirtless Protest Arrest Case | North Korea Dictator नई दिल्ली2 मिनट पहले कॉपी लिंक संसद में नेता विपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने सोशल मीडिया X पर यूथ कांग्रेस मेंबर्स के खिलाफ एक्शन पर राहुल ने PM की आलोचना की। उन्होंने अपनी पार्टी के यूथ विंग के सदस्यों के खिलाफ शर्टलेस प्रोटेस्ट को लेकर पुलिस एक्शन पर कमेंट किया। उन्होंने कहा कि प्राइम मिनिस्टर नरेंद्र मोदी की सरकार और नॉर्थ कोरिया के तानाशाही शासन एक जैसा है। उन्होंने कहा कि ये इंडिया है, नॉर्थ कोरिया नहीं। राहुल ने कहा कि शांतिपूर्ण प्रोटेस्ट डेमोक्रेसी की आत्मा है। यह कोई अपराध नहीं है। राहुल ने पूछा… जब आदिवासी अपने जल, जंगल, जमीन के हक के लिए खड़े हुए, तो उन पर भी शक की नजर डाली गई। यह कैसा लोकतंत्र है, जहां PM सवालों से डरते है? जहां असहमति को कुचलना शासन का स्वभाव बनता जा रहा है? दरअसल, दिल्ली में आयोजित AI समिट के दौरान यूथ कांग्रेस मेंबर्स ने शर्ट उतार कर प्रोटेस्ट किया था। इस संबंध में दिल्ली पुलिस 3 सदस्यों को गिरफ्तार करने शिमला पहुंची थी। इसके बाद हिमाचल पुलिस ने दिल्ली पुलिस को उन्हें ले जाने से रोक लिया था। राहुल ने ये बातें गिरफ्तार तीन यूथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं को दिल्ली वापस लाने की इजाजत मिलने के बाद कही। राहुल ने अपनी पोस्ट में और क्या कहा… सोचिए मुद्दा कोई भी हो, अगर आप सत्ता के खिलाफ संवैधानिक तरीके से आवाज उठाते हैं, तो लाठी, मुकदमा और जेल, यह लगभग तय है। पेपर लीक से त्रस्त युवाओं ने अपने भविष्य के लिए आवाज उठाई, जवाब मिला लाठियों से। देश की गौरवशाली महिला पहलवानों ने BJP के प्रभावशाली नेता पर लगे गंभीर आरोपों की निष्पक्ष जांच की मांग की। उनकी पुकार को बदनाम किया गया, आंदोलन को कुचला गया, और उन्हें सड़कों से जबरन हटाया गया। एक बलात्कार पीड़ित के समर्थन में इंडिया गेट पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन हुआ। न्याय की मांग को व्यवस्था के लिए असुविधा मानकर हटा दिया गया। युवा कांग्रेस ने देश का अहित करने वाले US ट्रेड डील का शांतिपूर्ण विरोध किया तो उन्हें देशविरोधी बताकर गिरफ्तार कर लिया। जब आम लोग जहरीली हवा के खिलाफ खड़े हुए, तो पर्यावरण की चिंता को भी राजनीति कहकर दबा दिया गया। जब किसानों ने अपने अधिकारों के लिए आंदोलन किया, तो उन्हें देशविरोधी करार दिया गया। आंसू गैस, रबर की गोलियां, पानी की बौछारें और लाठियां, यही संवाद का माध्यम बना। शिमला के शोघी में शिमला पुलिस ने दिल्ली पुलिस को रोका और पूछताछ की। अब समझिए हिमाचल में क्या हुआ… दिल्ली में AI समिट में अर्धनग्न होकर प्रदर्शन करने के आरोप में 3 यूथ कांग्रेस नेताओं की गिरफ्तारी को लेकर बुधवार को हिमाचल और दिल्ली पुलिस में टकराव हो गया। दिल्ली पुलिस ने शिमला के एक होटल से मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश के 3 नेताओं को गिरफ्तार किया, लेकिन हिमाचल पुलिस ने उन्हें आधे रास्ते में रोक लिया और दिल्ली नहीं ले जाने दिया। हिमाचल पुलिस का तर्क था कि इस बारे में दिल्ली पुलिस ने कोई औपचारिक सूचना नहीं दी। हिमाचल में सादे कपड़ों में आकर मेहमानों को उठाया गया। कोर्ट में सुनवाई के दौरान भी दोनों पुलिस में बहस होती रही। इसके बाद जज ने फाइल तैयार करने को कहा तो दिल्ली पुलिस फिर बिना कागजी कार्रवाई के तीनों नेताओं को ले गई। इसका पता चलते ही हिमाचल पुलिस ने फिर उन्हें रोक लिया। इसके बाद तीनों नेताओं को कोर्ट में पेश कर दिल्ली पुलिस ने ट्रांजिट रिमांड पर लिया। करीब 18 घंटे तक दिल्ली और हिमाचल पुलिस के बीच ड्रामा चलता रहा। फिर गुरुवार सुबह करीब पौने 6 बजे दिल्ली पुलिस तीनों नेताओं को लेकर चली गई। पूरी खबर पढ़ें… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
Congress AI Summit Protest Row; Himachal Pradesh Vs Delhi Police

दिल्ली पुलिस के हिमाचल में गिरफ्तार किए गए यूथ कांग्रेस के 3 नेताओं को कोर्ट में पेशी के लिए ले जाया जा रहा है। दिल्ली में AI समिट में अर्धनग्न होकर प्रदर्शन करने के आरोप में 3 यूथ कांग्रेस नेताओं की गिरफ्तारी को लेकर बुधवार को हिमाचल और दिल्ली पुलिस में टकराव हो गया। दिल्ली पुलिस ने शिमला के एक होटल से मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश के 3 नेताओं को गिरफ्तार किया, . हिमाचल पुलिस का तर्क था कि इस बारे में दिल्ली पुलिस ने कोई औपचारिक सूचना नहीं दी। हिमाचल में सादे कपड़ों में आकर मेहमानों को उठाया गया। कोर्ट में सुनवाई के दौरान भी दोनों पुलिस में बहस होती रही। इसके बाद जज ने फाइल तैयार करने को कहा तो दिल्ली पुलिस फिर बिना कागजी कार्रवाई के तीनों नेताओं को ले गई। इसका पता चलते ही हिमाचल पुलिस ने फिर उन्हें रोक लिया। इसके बाद तीनों नेताओं को कोर्ट में पेश कर दिल्ली पुलिस ने ट्रांजिट रिमांड लिया। करीब 18 घंटे तक दिल्ली और हिमाचल पुलिस के बीच ड्रामा चलता रहा। फिर गुरुवार सुबह करीब पौने 6 बजे दिल्ली पुलिस तीनों नेताओं को लेकर चली गई। दरअसल, 20 फरवरी को इंडियन यूथ कांग्रेस के 11 सदस्यों ने भारत मंडपम में घुसकर AI समिट के दौरान शर्टलैस होकर PM मोदी की फोटो वाली टी-शर्ट लहराई थी। इस दौरान पीएम मोदी कॉम्प्रोमाइज्ड के नारे लगाए थे। दिल्ली में AI समिट के दौरान टी शर्ट उतारकर प्रदर्शन करते हुए युवा कांग्रेस कार्यकर्ता- फाइल फोटो। सिलसिलेवार जानिए पूरा मामला… दिल्ली पुलिस सिविल वर्दी में पहुंची, होटल से 3 नेता अरेस्ट किए दिल्ली पुलिस के 18 कर्मचारियों की टीम सिविल वर्दी में बुधवार, 25 फरवरी सुबह 3 गाड़ियों में सवार होकर शिमला से लगभग 120 किलोमीटर दूर रोहड़ू के चिड़गांव पहुंची। दिल्ली पुलिस को इनपुट था कि AI समिट में अर्धनग्न होकर प्रदर्शन करने वाले मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश के रहने वाले यूथ कांग्रेस के 3 नेता रोहड़ू के चांशल होटल में ठहरे हैं। जिनके नाम अरबाज, सौरव और सिद्धार्थ हैं। दिल्ली पुलिस ने यहां आकर तीनों को गिरफ्तार कर लिया। सबूत के लिए होटल से सीसीटीवी की डीवीआर और रजिस्टर भी कब्जे में लिया। हिमाचल पुलिस ने 3 जगह नाका लगाकर रोका, नेताओं को छुड़ाया दिल्ली पुलिस तीनों को गिरफ्तार कर ले जाने लगी, तभी हिमाचल पुलिस को इसकी भनक लगी कि उन्हें सूचना दिए बगैर पूरी कार्रवाई की जा रही है। हिमाचल पुलिस ने दिल्ली पुलिस को रोकने के लिए शिमला बस स्टैंड, शोघी और सोलन के धर्मपुर में नाकाबंदी कर दी। इसके बाद एक गाड़ी बस स्टैंड शिमला, दूसरी शोघी और 2 गाड़ियां सोलन के धर्मपुर में रोक दी गईं। हिमाचल पुलिस ने दिल्ली पुलिस के गिरफ्तार किए यूथ कांग्रेस के तीनों नेताओं को छुड़ाकर अपनी कस्टडी में ले लिया और शिमला में चक्कर कोर्ट लेकर पहुंच गई। कोर्ट में चली बहस, हिमाचल पुलिस बोली- प्रॉपर इन्फॉर्मेशन नहीं दी हिमाचल पुलिस के पीछे-पीछे दिल्ली पुलिस की टीम भी शिमला की चक्कर कोर्ट पहुंच गई। बुधवार शाम पौने 5 बजे उन्हें कोर्ट में पेश किया गया और 6 बजे तक सुनवाई चलती रही। सुनवाई के दौरान हिमाचल पुलिस ने कोर्ट को बताया कि दिल्ली पुलिस ने स्टेट पुलिस को सूचना दिए बगैर यह पूरी कार्रवाई की। प्रॉपर इन्फॉर्मेशन न होने की वजह से दिल्ली पुलिस को रोका गया। दोनों पुलिस के बीच कोर्ट में बहस होती रही। इस पर कोर्ट ने इस मामले की पूरी फाइल तैयार करने को कहा। शिमला के शोघी में शिमला पुलिस ने दिल्ली पुलिस को रोका और पूछताछ की। बिना कोर्ट के आदेश के दिल्ली पुलिस फिर ले गई, हिमाचल पुलिस ने फिर रोके इसके बाद हिमाचल पुलिस के सीनियर अधिकारी लौट गए। फिर वहां जिला कोर्ट में ही दिल्ली और हिमाचल पुलिस में बातचीत चलती रही। इसके बाद बुधवार शाम करीब 7.25 बजे गिरफ्तार यूथ कांग्रेस वर्करों को दिल्ली पुलिस फिर अपने साथ ले गई। दिल्ली पुलिस शिमला से रवाना हो गई। इसके बाद फिर अचानक शिमला के शोघी के पास दिल्ली पुलिस को रोक दिया गया। इसके बाद दोनों राज्यों की पुलिस में बहस और बढ़ गई। हिमाचल पुलिस बोली- वैध दस्तावेज नहीं, FIR की चेतावनी दी हिमाचल पुलिस का कहना था कि दिल्ली पुलिस के पास उनके एरिया से गिरफ्तारी कर ले जाने का कोई वैध दस्तावेज नहीं है। अगर वह कोर्ट के आदेश पर ले जा रहे हैं तो उनके पास ट्रांजिट रिमांड होना चाहिए। इस वजह से वहां देर रात तक बहस चली। हिमाचल पुलिस ने चेतावनी दी कि अगर वह जबरन ले जाने की कोशिश करेंगे तो दिल्ली पुलिस पर FIR दर्ज कर दी जाएगी। इसके बाद हिमाचल पुलिस ने तीनों नेताओं को दिल्ली पुलिस की कस्टडी से अपनी हिरासत में ले लिया। इस दौरान दिल्ली पुलिस के एसीपी राहुल विक्रम ने कहा कि ट्रांजिट रिमांड मिलने के बाद आरोपियों को दिल्ली ले जाया जा रहा था, लेकिन शिमला पुलिस कार्रवाई में बाधा डाल रही है। हालांकि हिमाचल पुलिस का कहना था कि इनके पास कोई वैध दस्तावेज नहीं हैं। तीनों का मेडिकल कराया, कोर्ट में पेश कर ट्रांजिट रिमांड लिया, दिल्ली ले गए इसके बाद बुधवार रात 11.30 बजे हिमाचल पुलिस गिरफ्तार कांग्रेस नेताओं को मेडिकल कराने के लिए शिमला के रिपन अस्पताल लेकर पहुंची। यहां उनका मेडिकल कराया गया। बुधवार रात 2 बजे यूथ कांग्रेस के एडवोकेट ने गिरफ्तार नेताओं से बात की। इसके बाद इन्हें चक्कर कोर्ट के CJM के घर पर पेश किया गया। जहां से उनका ट्रांजिट रिमांड लिया गया। फिर गुरुवार सुबह 5.45 बजे दिल्ली पुलिस तीनों नेताओं को लेकर दिल्ली रवाना हो गए। शिमला से लगभग 15 किलोमीटर दूर शोघी बैरियर पर देर रात मौजूद शिमला और दिल्ली पुलिस के जवान। दिल्ली पुलिस की जांच में क्या निकला दिल्ली पुलिस के सोर्सेज के मुताबिक जिन 3 नेताओं, अरबाज, सौरव और सिद्धार्थ होटल से गिरफ्तार किया गया, उन्हें लोकल कांग्रेसी नेता ने होटल में कमरा दिलाया था। ये तीनों 24 फरवरी से यहां पर गिरफ्तारी से बचने के लिए छुपे हुए थे। हालांकि कमरा किसके नाम पर बुक कराया गया था, इसके बारे में होटल के कागजात खंगाले जा रहे हैं। पुलिस CCTV फुटेज के जरिए यह भी पता लगा रही
बीजेपी ने याद की ‘नेहरू-गांधी परिवार की समझौता कहानी’, राहुल गांधी को बताया ‘विदेशी ताकतों की कठपुतली’ | राजनीति समाचार

आखरी अपडेट:25 फरवरी, 2026, 13:56 IST नबीन का हमला पिछले हफ्ते नई दिल्ली में इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट में युवा कांग्रेस के शर्टलेस विरोध प्रदर्शन को लेकर आया है। बीजेपी अध्यक्ष नितिन नबीन (छवि: पीटीआई/फ़ाइल) भारतीय जनता पार्टी ने बुधवार को ‘नेहरू-गांधी परिवार की समझौता कहानी’ को याद करते हुए कांग्रेस पार्टी पर ‘समझौता करने वाले प्रधानमंत्री’ वाले तंज को लेकर हमला बोला, जिसमें दावा किया गया है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दबाव में थे और उन्हें भारत-अमेरिका अंतरिम टैरिफ समझौते पर हस्ताक्षर करने के लिए मजबूर किया गया था। भाजपा प्रमुख नितिन नबीन ने कहा कि नेहरू-गांधी परिवार ने “हमेशा अपने हितों की रक्षा के लिए काम किया है” और अपने नेताओं, सोनिया गांधी और राहुल गांधी पर चीन के साथ मिलीभगत का आरोप लगाया। कांग्रेस पर पलटवार करते हुए, नबीन ने कहा कि जवाहरलाल नेहरू का प्रशासन “सीआईए के लिए एक खुली किताब” था, और दावा किया कि अमेरिकी विदेशी खुफिया एजेंसी ने “इंदिरा गांधी को प्रचार के लिए धन भी मुहैया कराया”। नबीन ने सोनिया गांधी और राहुल गांधी की भी आलोचना की और उन पर उस समय “सुपर पीएम” के रूप में काम करने का आरोप लगाया जब पूर्व प्रधान मंत्री मनमोहन सिंह की यूपीए सरकार सत्ता में थी। उन्होंने आगे राहुल गांधी की विदेश में बोलने की व्यस्तताओं का जिक्र किया और उन्हें “विदेशी शक्तियों की कठपुतली” कहा। नबीन ने कहा, “मैं आपके साथ गांधी परिवार के समझौता मिशन के बारे में जानकारी साझा कर रहा हूं। कैसे पूरे परिवार ने हमेशा देश के लोगों के साथ समझौता करके अपने हितों की रक्षा की है।” भाजपा प्रमुख ने दावा किया, “एक समय था जब नेहरू ने खुद कहा था कि 45 करोड़ लोग मेरे लिए ‘दायित्व’ हैं और हम सभी विदेशी शक्तियों के साथ उनके संबंधों को जानते हैं। हम जानते हैं कि उन्होंने 1954 में तिब्बत में भारत के अधिकारों को चीन को कैसे सौंप दिया था।” उन्होंने कहा, “और इंदिरा गांधी के कार्यकाल के दौरान, सीआईए ने कांग्रेस को प्रचार के लिए धन मुहैया कराया था।” बीजेपी चीफ ने सोनिया, राहुल गांधी पर बोला हमला पूर्व कांग्रेस प्रमुख सोनिया गांधी पर तीखा हमला करते हुए नबीन ने आरोप लगाया, “सोनिया गांधी, जो 2004-14 के बीच ‘सुपर पीएम’ बनीं… उसी समय, राजीव गांधी फाउंडेशन के लिए चीनी सरकार से ‘समझौता मिशन’ के तहत धन मुहैया कराया गया था।” “और नकारात्मक राजनीति के पोस्टर बॉय राहुल गांधी अपनी विदेश यात्राओं के दौरान सुरक्षा एजेंसियों को सूचित नहीं करते हैं। राहुल गांधी का पूरा राजनीतिक करियर ‘समझौता राजनीति’ को बढ़ावा देने वाला है। वे अपने हितों की पूर्ति के लिए किसी भी हद तक देश की राजनीति से समझौता करने को तैयार हैं।” नबीन का हमला पिछले हफ्ते इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट में यूथ कांग्रेस के शर्टलेस विरोध प्रदर्शन के संबंध में आया, जिसे “वैश्विक मंच पर भारत को अपमानित करने” के प्रयास के रूप में संदर्भित किया जा रहा है। कांग्रेस का पीएम मोदी पर हमला इससे पहले फरवरी में, संसद के बजट सत्र के दौरान, राहुल गांधी ने भाजपा के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार पर हमला बोला था और प्रधानमंत्री पर अंतरिम टैरिफ सौदे को मंजूरी देकर “भारत माता को बेचने” का आरोप लगाया था। गांधी ने दावा किया कि भारत कई वस्तुओं पर शुल्क कम करने पर सहमत हो रहा है, इससे किसान प्रभावित होंगे, खासकर छोटी या सीमांत जोत वाले किसान। पहले प्रकाशित: 25 फरवरी, 2026, 13:56 IST समाचार राजनीति बीजेपी ने याद की ‘नेहरू-गांधी परिवार की समझौता कहानी’, राहुल गांधी को बताया ‘विदेशी ताकतों की कठपुतली’ अस्वीकरण: टिप्पणियाँ उपयोगकर्ताओं के विचार दर्शाती हैं, News18 के नहीं। कृपया चर्चाएँ सम्मानजनक और रचनात्मक रखें। अपमानजनक, मानहानिकारक, या अवैध टिप्पणियाँ हटा दी जाएंगी। News18 अपने विवेक से किसी भी टिप्पणी को अक्षम कर सकता है. पोस्ट करके, आप हमारी उपयोग की शर्तों और गोपनीयता नीति से सहमत होते हैं। और पढ़ें (टैग्सटूट्रांसलेट)नितिन नबीन(टी)कांग्रेस(टी)जवाहर लाल नेहरू(टी)सोनिया गांधी(टी)राहुल गांधी(टी)कांग्रेस शर्टलेस विरोध
एआई शिखर सम्मेलन में शर्टलेस विरोध प्रदर्शन पर युवा कांग्रेस अध्यक्ष उदय भानु चिब गिरफ्तार | भारत समाचार

आखरी अपडेट:24 फरवरी, 2026, 11:01 IST दिल्ली पुलिस ने मंगलवार को भारतीय युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदय भानु चिब को गिरफ्तार कर लिया। युवा कांग्रेस प्रमुख उदय भानु चिब को शर्टलेस एआई शिखर सम्मेलन के विरोध में गिरफ्तार किया गया। राष्ट्रीय राजधानी में भारत के एआई शिखर सम्मेलन में बड़े पैमाने पर नाटक देखने के कुछ दिनों बाद, दिल्ली पुलिस ने मंगलवार को युवा कांग्रेस अध्यक्ष उदय भानु चिब को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने यूथ कांग्रेस प्रमुख को विरोध प्रदर्शन का मास्टरमाइंड बताया है. चिब को दिल्ली पुलिस ने सोमवार को पूछताछ के लिए तिलक मार्ग पुलिस स्टेशन बुलाया था। सूत्रों के मुताबिक, कांग्रेस नेता को कोर्ट में पेश किए जाने की संभावना है. पुलिस के अनुसार, उदय भानु चिब के पास विरोध प्रदर्शन के संबंध में सारी जानकारी थी और उन्होंने विरोध की योजना बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। पूछताछ के दौरान उदय भानु ने पुलिस को सहयोग नहीं किया. वह ज्यादातर सवालों से या तो बचते रहे या फिर उनसे बचने की कोशिश करते रहे। कांग्रेस सांसद शशिकांत सेंथिल के मुताबिक, चिब को दिल्ली पुलिस ने सुबह करीब 4:30 बजे उठाया था और वह करीब 20 घंटे से पुलिस हिरासत में हैं। बीजेपी ने कांग्रेस पर साधा निशाना इस बीच, भाजपा नेता प्रदीप भंडारी ने भी गिरफ्तारी की पुष्टि की और भारत विरोधी और विकास विरोधी प्रचार के लिए कांग्रेस की आलोचना की। एक्स को लेते हुए, भंडारी ने लिखा, “राहुल गांधी का बब्बर भारत विरोधी “शेर” गिरफ्तार! विश्व एआई शिखर सम्मेलन में नग्न भारत विरोधी प्रदर्शन में 15 घंटे की पूछताछ के बाद युवा कांग्रेस प्रमुख उदय भानु को गिरफ्तार किया गया!” “भारत के युवा ‘नंगी’ कांग्रेस से नफरत करते हैं! बब्बर शेर को जेल में “बब्बर” इलाज मिलेगा! कांग्रेस भारत विरोधी, विकास विरोधी है!” उन्होंने जोड़ा. राहुल गांधी का बब्बर भारत विरोधी “शेर” गिरफ्तार! विश्व एआई शिखर सम्मेलन में नग्न भारत विरोधी प्रदर्शन में युवा कांग्रेस प्रमुख उदय भानु को 15 घंटे की पूछताछ के बाद गिरफ्तार किया गया! भारत के युवाओं को ‘नंगी’ कांग्रेस से नफरत! बब्बर शेर को जेल में मिलेगा “बब्बर” इलाज!… pic.twitter.com/C3iwYLeuiJ — प्रदीप भंडारी(प्रदीप भंडारी)🇮🇳 (@pradip103) 24 फ़रवरी 2026 एआई शिखर सम्मेलन में आईवाईसी का ‘शर्टलेस’ विरोध प्रदर्शन भारतीय युवा कांग्रेस के सदस्यों ने असहमति के प्रतीक के रूप में, राष्ट्रीय राजधानी में अल इम्पैक्ट इंडिया समिट के भारत मंडपम स्थल पर “समझौता करने वाले प्रधानमंत्री” के नारे लिखी अपनी शर्ट उतारकर विरोध प्रदर्शन किया। एक बयान में, भारतीय युवा कांग्रेस ने कहा कि उसके कार्यकर्ता “समझौता करने वाले प्रधान मंत्री के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रहे थे जिन्होंने एआई शिखर सम्मेलन में देश की पहचान का व्यापार किया है।” इस बीच, भाजपा कार्यकर्ताओं ने कई राज्यों में कांग्रेस के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया क्योंकि पार्टी ने मांग की कि कांग्रेस सांसद राहुल गांधी को माफी मांगनी चाहिए। चुनी हुई कहानियाँ, आपके इनबॉक्स में हमारी सर्वोत्तम पत्रकारिता वाला एक न्यूज़लेटर जमा करना पहले प्रकाशित: 24 फरवरी, 2026, 09:45 IST न्यूज़ इंडिया एआई शिखर सम्मेलन में शर्टलेस विरोध पर युवा कांग्रेस अध्यक्ष उदय भानु चिब गिरफ्तार अस्वीकरण: टिप्पणियाँ उपयोगकर्ताओं के विचार दर्शाती हैं, News18 के नहीं। कृपया चर्चाएँ सम्मानजनक और रचनात्मक रखें। अपमानजनक, मानहानिकारक, या अवैध टिप्पणियाँ हटा दी जाएंगी। News18 अपने विवेक से किसी भी टिप्पणी को अक्षम कर सकता है. पोस्ट करके, आप हमारी उपयोग की शर्तों और गोपनीयता नीति से सहमत होते हैं। और पढ़ें (टैग्सटूट्रांसलेट)कांग्रेस(टी)उदय भानु चिब(टी)युवा कांग्रेस(टी)एआई शिखर सम्मेलन(टी)नई दिल्ली(टी)भारत मंडपम
Rahul Gandhi Slams PM Modi on Epstein Files, Trade Deal

नई दिल्ली25 मिनट पहले कॉपी लिंक राहुल गांधी ने X पर 1 मिनट 50 सेकेंड का वीडियो जारी किया। कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने सोमवार को सोशल मीडिया X पर एक वीडियो शेयर किया। इसमें उन्होंने कहा- मोदी जी एपस्टीन फाइल्स में आपका नाम आया, शर्म आपको आनी चाहिए। आपने अमेरिका से ट्रेड डील करके देश को ट्रंप के हाथों बेच दिया। पूरा देश जानता है, अडानी पर अमेरिका में चल रहे केस ने आपकी रातों की नींद उड़ा रखी है, क्योंकि वो BJP और आपके फाइनेंशियल आर्किटेक्चर पर केस है। दरअसल, पीएम मोदी ने कल उत्तर प्रदेश के मेरठ में कहा था कि दिल्ली में आयोजित AI समिट में कांग्रेसियों को नंगा होने की जरूरत नहीं थी। कांग्रेसी पहले से ही नंगे हैं। 20 फरवरी को इंडियन यूथ कांग्रेस के 11 सदस्यों ने भारत मंडपम में घुसकर AI समिट के दौरान शर्टलैस होकर PM मोदी की फोटो वाली टी-शर्ट लहराई थी। इस दौरान पीएम मोदी कॉम्प्रोमाइज्ड के नारे लगाए थे। 1 मिनट 50 सेकेंड के वीडियो में राहुल की 4 बड़ी बातें… यूएस से ट्रेड डील में देश को कुछ नहीं मिला, किसानों को बर्बाद कर दिया, डेटा बेच दिया। एपस्टीन फाइल्स में आपका और आपके मंत्रियों का नाम आया, ये शर्म की बात है। अपने मित्रों जैसे के अनिल अंबानी के लिए आप जो कर सकते हैं आप करें। हम देश की रक्षा करेंगे, देश के किसानों की रक्षा करेंगे, डेटा की रक्षा करेंगे। मोदी ने कहा था- कांग्रेस नंगों की पार्टी रविवार को मेरठ में रैपिड रेल और मेट्रो के उद्घाटन के दौरान मंच से पीएम ने AI समिट में कांग्रेस कार्यकर्ताओं द्वारा किए गए प्रदर्शन के खिलाफ जमकर बोला। पीएम ने कांग्रेस को नंगों की पार्टी कहते हुए सीधे अटैक किया। उन्होंने कहा कि पाप कांग्रेस करती है और खामियाजा विपक्षी दलों को उठाना पड़ता है। पीएम मोदी ने रविवार को मेरठ में जनसभा को संबोधित किया था। पीएम ने जनता से पूछा था- AI सम्मेलन पर क्या कहोगे पीएम ने पूरे भाषण में केवल कांग्रेस पार्टी का नाम लिया था। अन्य दलों का नाम उनके 36 मिनट के भाषण में कहीं नहीं था। उन्होंने सीधे कहा- मेरठ वालों बताओं ये AI सम्मेलन से आपको गर्व हुआ या नहीं? आपका माथा ऊंचा हुआ या नहीं। ये काम भारत के लिए हुआ या नहीं। भारत के भाग्य को बदलने के लिए हुआ या नहीं? पूरा देश गर्व से भर गया। लेकिन, कांग्रेस और इनके इको सिस्टम ने क्या किया? कांग्रेस ने भारत के वैश्विक आयोजन को अपनी गंदी और नंगी राजनीति का अखाड़ा बना दिया। समारोह स्थल पर विदेशी अतिथियों के सामने कांग्रेस के नेता कपड़े उतार कर पहुंच गए। मैं कांग्रेस वालों से पूछता हूं- देश तो जानता है कि आप पहले से नंगे हो। फिर कपड़े उतारने की जरूरत क्यों पड़ी? कहा कि कांग्रेस करती है और खामियाजा विपक्षी दल उठाते हैं। AI समिट में हंगामा, पुलिस ने 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया दिल्ली में आयोजित एआई इम्पैक्ट समिट में इंडियन यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ताओं के विरोध प्रदर्शन मामले में दिल्ली पुलिस ने 7 लोगों को गिरफ्तार किया है। सोमवार को पुलिस ने इंडियन यूथ कांग्रेस के दिल्ली अध्यक्ष उदय भानु चिब से भी पूछताछ की है। ग्वालियर से हिरासत में लिए गए दो लोगों ने राजा गुर्जर और अजय कुमार के नाम शामिल हैं। आरोप है कि ये सभी शर्टलैस प्रदर्शन में शामिल थे। वीडियो के जरिए इनकी पहचान की गई है। दिल्ली की तिलक नगर थाना ने यह एक्शन लिया है। सभी को दिल्ली लाया गया है। इस मामले में पुलिस गैर जमानती धाराओं में FIR दर्ज की है। 21 फरवरी को पटियाला कोर्ट ने पहले से गिरफ्तार 4 आरोपियों को 5 दिन की पुलिस रिमांड में भेजा था। पूरी खबर पढ़ें… यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ता हाथ में टी-र्शट लेकर स्टेज पर चढ़ गए। इस दौरान कुछ लोग प्रदर्शनकारियों के हाथ से टी-शर्ट लेकर फेंकते दिखे। दिल्ली पुलिस प्रदर्शन कर रहे कुछ लोगों को अपने साथ ले गई। ————————————————– ये खबर भी पढ़ें… AI समिट में हंगामे के विरोध में राहुल के घर के बाहर भाजपा कार्यकर्ताओं का प्रदर्शन AI समिट में कांग्रेस कार्यकर्ताओं के प्रदर्शन के बाद 20 फरवरी की शाम को बड़ी संख्या में भाजपा युवा मोर्चा के कार्यकर्ता दिल्ली में राहुल गांधी के घर के बाहर प्रदर्शन करने पहुंचे थे। भाजपा कार्यकर्ताओं ने ‘राहुल गांधी मुर्दाबाद’ और ‘राहुल गांधी हाय-हाय’ के नारे लगाए। भाजपा कार्यकर्ताओं ने राहुल के पोस्टर भी जलाए। काफी हंगामे के बाद दिल्ली पुलिस ने उन्हें हिरासत में लिया गया था। पूरी खबर पढ़ें… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
‘कांग्रेस नेता तय कार्यक्रम के अनुसार शामिल होंगे’: हिमंत सरमा कहते हैं कि बीजेपी 2029 चुनावों की तैयारी कर रही है | राजनीति समाचार

आखरी अपडेट:23 फ़रवरी 2026, 17:31 IST मुख्यमंत्री की यह टिप्पणी असम कांग्रेस के पूर्व प्रमुख भूपेन कुमार बोरा के भाजपा में शामिल होने के एक दिन बाद आई है, जो राज्य चुनाव से पहले एक महत्वपूर्ण राजनीतिक घटनाक्रम है। असम के सीएम हिमंत बिस्वा सरमा। असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने सोमवार को कहा कि कई कांग्रेस नेता “पूर्व-निर्धारित कार्यक्रम” के अनुसार भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) में शामिल होने के लिए तैयार हैं, उन्होंने कहा कि पार्टी ने 2029 के लोकसभा चुनावों के लिए तैयारी शुरू कर दी है। गुवाहाटी में पत्रकारों से बात करते हुए सरमा ने कहा कि चुनावी तैयारी भाजपा के लिए एक सतत प्रक्रिया बनी हुई है। उन्होंने कहा, “मेरे लिए, सभी चुनाव महत्वपूर्ण हैं। बीजेपी ने पहले ही 2029 के लोकसभा चुनावों की तैयारी शुरू कर दी है।” उन्होंने कहा कि जिन कांग्रेस नेताओं के पाला बदलने की उम्मीद है, वे “कार्यक्रम का पालन करेंगे।” मुख्यमंत्री की टिप्पणी असम कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष भूपेन कुमार बोरा के औपचारिक रूप से भाजपा में शामिल होने के एक दिन बाद आई, जो राज्य में एक महत्वपूर्ण राजनीतिक विकास का प्रतीक है। बोरा को रविवार को असम भाजपा अध्यक्ष दिलीप सैकिया की उपस्थिति में गुवाहाटी में पार्टी के राज्य मुख्यालय, वाजपेयी भवन में भाजपा में शामिल किया गया। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के साथ बैठक के बाद और भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा की मंजूरी के बाद उन्हें शामिल किया गया। पार्टी में शामिल होने के तुरंत बाद, बोरा को भाजपा की असम इकाई के राज्य कार्यकारी सदस्य के रूप में नियुक्त किया गया। मुख्यमंत्री सरमा ने उन्हें असम कांग्रेस में “अंतिम हिंदू नेता” के रूप में वर्णित किया और कहा कि आगामी विधानसभा चुनावों में उनकी संभावनाओं को बढ़ाने के लिए बोरा को “अनुकूल सीट” पर समायोजित किया जाएगा। बोरा को उनके गृह निर्वाचन क्षेत्र लखीमपुर जिले के बिहपुरिया से संभावित भाजपा उम्मीदवार के रूप में देखा जा रहा है। अपने शामिल होने के बाद पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए, बोरा ने कहा कि उन्होंने कांग्रेस में 32 साल बिताए हैं लेकिन पार्टी की वफादारी से ऊपर राष्ट्रीय और क्षेत्रीय हितों को ध्यान में रखते हुए पाला बदलने का फैसला किया। उन्होंने कहा, ”देश, मेरी भूमि और इसके लोगों का हित व्यक्तिगत या पार्टी हित से कहीं ऊपर है।” उन्होंने कहा कि वह असम और राष्ट्र के लिए काम करने के लिए भाजपा में शामिल हुए हैं। बोरा ने भी सरमा की प्रशंसा करते हुए उन्हें पूर्वोत्तर का सबसे प्रभावशाली नेता बताया और कहा कि वह सम्मान के साथ भाजपा में शामिल होने के इच्छुक निराश कांग्रेस कार्यकर्ताओं के लिए एक पुल के रूप में काम करेंगे। महाभारत से प्रेरणा लेते हुए, उन्होंने ऐसे नेताओं की तुलना कर्ण से की और उन्हें “पांडव” कहे जाने वाले लोगों के साथ जुड़ने का आग्रह किया। बोरा का पार्टी में स्वागत करते हुए सरमा ने कहा कि पूर्व कांग्रेस नेता भाजपा की विचारधारा के अनुरूप एक नया राजनीतिक अध्याय शुरू कर रहे हैं और उन्हें पार्टी के भीतर सम्मान और समर्थन का आश्वासन दिया। चुनी हुई कहानियाँ, आपके इनबॉक्स में हमारी सर्वोत्तम पत्रकारिता वाला एक न्यूज़लेटर जमा करना जगह : असम, भारत, भारत पहले प्रकाशित: 23 फ़रवरी 2026, 17:31 IST समाचार राजनीति ‘कांग्रेस नेता तय कार्यक्रम के अनुसार शामिल होंगे’: हिमंत सरमा कहते हैं कि बीजेपी 2029 चुनावों की तैयारी कर रही है अस्वीकरण: टिप्पणियाँ उपयोगकर्ताओं के विचार दर्शाती हैं, News18 के नहीं। कृपया चर्चाएँ सम्मानजनक और रचनात्मक रखें। अपमानजनक, मानहानिकारक, या अवैध टिप्पणियाँ हटा दी जाएंगी। News18 अपने विवेक से किसी भी टिप्पणी को अक्षम कर सकता है. पोस्ट करके, आप हमारी उपयोग की शर्तों और गोपनीयता नीति से सहमत होते हैं। और पढ़ें (टैग्सटूट्रांसलेट)असम(टी)हिमंत बिस्वा सरमा(टी)कांग्रेस
PM Modi Slams Congress Over Woman MPs Parliament Protest

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 17 दिन पहले लोकसभा में कांग्रेस की महिला सांसदों के प्रदर्शन पर चुप्पी तोड़ी है। पीएम ने रविवार को मेरठ में कहा, कुर्सी पर बैठने से पहले जनता का दिल जीतना पड़ता है। उन्होंने आरोप लगाया कि महिला सांसदों को आगे कर सीट पर कब् . पीएम मोदी ने कांग्रेस से सवाल पूछा- क्या आप इतने खोखले हो गए हैं कि माताओं-बहनों को इसके लिए आगे कर रहे हो? पीएम ने आगे कहा, कांग्रेस देश के लिए बोझ बन गई है और उसकी राजनीति जनभावनाओं से कट चुकी है। पीएम मोदी ने कहा- कांग्रेस के बेलगाम नेता देश को तबाह करने पर तुले हुए हैं। पीएम मोदी बोले- कांग्रेस देश के लिए बोझ बन गई है पीएम मोदी ने कहा, कांग्रेस के बेलगाम नेता देश को तबाह करने पर तुले हुए हैं। अगर आपको प्रधानमंत्री की कुर्सी पर बैठना है, तो पहले आपको जनता के दिल जीतने पड़ेंगे। महिला सांसदों को भेज कर, सीट पर कब्जा करके आप प्रधानमंत्री नहीं बन सकते हो। क्या आप लोग इतने खोखले हो गए हो कि माताओं-बहनों को इसके लिए आगे कर रहे हो? पीएम ने कहा, कांग्रेस देश के लिए बोझ बन गई है। मुझे इस बात का संतोष है कि दिल्ली में जो घटना घटी, कांग्रेस के सभी साथी दलों ने कांग्रेस की भरपूर आलोचना करने की हिम्मत दिखाई है। मैं इसके लिए विपक्ष के इन साथियों का उनका सार्वजनिक रूप से आभार व्यक्त करता हूं। ओम बिरला ने कहा था- पीएम मोदी के साथ अप्रत्याशित घटना हो सकती थी दरअसल, 4 फरवरी को पीएम मोदी को लोकसभा में राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव का जवाब देना था। शाम 5 बजे जब सदन की कार्यवाही शुरू हुई, तो विपक्ष की महिला सांसदों ने सत्ताधारी नेताओं की कुर्सियां घेर लीं। इनमें पीएम मोदी की कुर्सी भी थी। हंगामा बढ़ने के बाद सदन की कार्यवाही प्रधानमंत्री के भाषण के बिना ही स्थगित कर दी गई। अगले दिन 5 फरवरी को कार्रवाई फिर शुरू हुई। स्पीकर ओम बिरला ने एक दिन पहले सदन स्थगित करने और पीएम का भाषण टालने का कारण बताया। उन्होंने कहा, ‘जब सदन के नेता पीएम मोदी को राष्ट्रपति के अभिभाषण पर जवाब देना था, तो विपक्षी सांसद प्रधानमंत्री की सीट के पास पहुंचकर कोई अप्रत्याशित घटना कर सकते थे।’ बिरला ने आगे कहा, ‘अगर ये घटना हो जाती, तो लोकतंत्र की परंपरा तार-तार हो जाती। इसे टालने के लिए मैंने पीएम से सदन में न आने का आग्रह किया। पीएम ने मेरे सुझाव को माना।’ बिरला ने महिला सांसदों का पीएम की कुर्सी तक जाना मर्यादा के खिलाफ बताया। उन्होंने विपक्षी सांसदों से कहा, ‘आप पोस्टर लेकर आएंगे तो सदन नहीं चलेगा। जिस तरह से महिला सदस्य पीएम की सीट तक पहुंचीं, उसे देश ने देखा। ये उचित नहीं था। ये सदन की गरिमा के अनुकूल भी नहीं था।’ रिपोर्ट्स के मुताबिक, पीएम की कुर्सी का घेराव करने वालों में विपक्षी सांसद वर्षा गायकवाड़ और ज्योतिमणि भी शामिल थीं। पीएम की स्पीच से पहले क्या हुआ था? पीएम मोदी का भाषण शुरू होने से करीब 15 मिनट पहले विपक्षी सांसदों ने छोटे-छोटे ग्रुप बनाए और आपस में पोस्टर बांटे। विपक्ष की महिला सांसद ये पोस्टर लेकर सदन के वेल में आ गईं और प्रदर्शन करने लगीं। इसके बाद वो ट्रेजरी बेंच यानी सत्ता पक्ष की सीटों की तरफ बढ़ीं और पीएम की कुर्सी को घेर लिया। महिला सांसदों के हाथ में बड़े-बड़े बैनर भी थे, जिन पर लिखा था- ‘जो उचित लगे वो करो।’ इस विरोध में केसी वेणुगोपाल, अभिषेक बनर्जी, कल्याण बनर्जी, डिंपल यादव, जेनीबेन नागाजी ठाकोर, वर्षा गायकवाड़, प्रतिभा सुरेश धनोरकर, ज्योतिमणि, रंजीता कोल जैसे सांसद शामिल थे। बीजेपी सांसद मनोज तिवारी ने दावा किया कि वरिष्ठ मंत्रियों के बार-बार कहने पर भी महिला सांसद अपनी सीट पर नहीं गईं। वे प्रधानमंत्री के बैठने की जगह पर चढ़ गए। उन्होंने खूब हंगामा किया। वे प्रधानमंत्री पर हमला भी कर सकते थे। हालांकि कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी ने इन आरोपों पर कहा कि यह पूरी तरह से झूठ और गलत है कि महिलाएं पीएम पर हमला करने वाली थीं। PM ने मेरठ में रैपिड–मेट्रो रेल का उद्घाटन किया पीएम मोदी ने रविवार को मेरठ में जनसभा को संबोधित किया। उन्होंने रैपिड रेल में सफर करते हुए बच्चों से बात की। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने AI समिट में कपड़े उतारकर प्रदर्शन करने को लेकर कांग्रेस पर भड़क गए। मेरठ में रविवार को जनसभा को संबोधित करते हुए कहा- भारत में दुनिया का सबसे बड़ा AI सम्मेलन हुआ। पूरा देश गर्व से भर गया, लेकिन कांग्रेस और इसके इकोसिस्टम ने क्या किया? वैश्विक आयोजन को गंदी और नंगी राजनीति का अखाड़ा बना दिया। विदेशी अतिथियों के सामने कांग्रेस के नेता कपड़े उतारकर पहुंच गए। मोदी ने कहा- मैं कांग्रेस वालों से पूछता हूं- देश तो जानता है कि आप पहले से ही नंगे हो। फिर कपड़े उतारने की जरूरत क्यों पड़ी? कांग्रेस के नेताओं ने जो कुछ किया, वो दिखाता है कि देश की सबसे पुरानी पार्टी वैचारिक रूप से कितनी दिवालिया और दरिद्र हो गई है। मोदी ने कहा- देखिए दिल्ली में जो हुआ, क्या उसमें TMC, DMK या बसपा के लोगों ने पाप किया… नहीं किया। सिर्फ और सिर्फ कांग्रेस के सरफिरे और बेलगाम नेता देश को तबाह करने पर तुले हैं। अगर आपको प्रधानमंत्री की कुर्सी पर बैठना है तो पहले आपको लोगों के दिल जीतने होंगे। पढ़ें पूरी खबर…
भाजपा महिला मोर्चा ने राहुल गांधी का पुतला फूंका:भारत मंडपम और इंदौर की घटनाओं को लेकर कांग्रेस के खिलाफ प्रदर्शन

भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने भारत मंडपम में हुई घटनाओं और इंदौर में भाजपा कार्यकर्ताओं पर पथराव को लेकर कांग्रेस पर निशाना साधा है। इसी क्रम में, भाजपा महिला मोर्चा ने आज रसल चौक पर राहुल गांधी का पुतला फूंका और कांग्रेस कार्यालय का घेराव करने का प्रयास किया, जिसके बाद पुलिस ने उन्हें रोककर गिरफ्तार कर लिया। भाजपा महिला प्रदेश अध्यक्ष अश्वनी परांजपे ने आरोप लगाया कि कांग्रेस कार्यकर्ता लगातार लोकतांत्रिक विरोध प्रदर्शनों को बाधित कर रहे हैं और गुंडागर्दी पर उतर आए हैं। भाजपा नेत्री के अनुसार, इंदौर में पार्टी कार्यकर्ता शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे थे, तभी उन पर सुनियोजित तरीके से पथराव किया गया, जिसमें कई कार्यकर्ता घायल हो गए। पार्टी ने इस घटना को लोकतंत्र पर हमला बताते हुए कहा कि यह केवल भाजपा कार्यकर्ताओं पर नहीं, बल्कि देश की लोकतांत्रिक व्यवस्था पर प्रहार है। उन्होंने आगे कहा कि भाजपा महिला मोर्चा भारत माता के सम्मान के मुद्दे पर लगातार आवाज उठाते रहेंगे और यदि इसका विरोध होता है तो उसके खिलाफ आंदोलन भी किया जाएगा। परांजपे ने यह भी आरोप लगाया कि कांग्रेस कार्यकर्ता अब महिलाओं को भी प्रदर्शन से रोकने के लिए बल प्रयोग कर रहे हैं, जो निंदनीय है। भाजपा ने कांग्रेस नेतृत्व, विशेष रूप से राहुल गांधी से इस पूरे घटनाक्रम पर सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की है। पार्टी नेताओं ने चेतावनी दी है कि यदि माफी नहीं मांगी गई, तो एक बड़ा जन आंदोलन किया जाएगा।









