PM Modi Nation Address Tonight 8:30 PM

नई दिल्ली3 मिनट पहले कॉपी लिंक PM ने गुरुवार को लोकसभा में महिला आरक्षण कानून में संशोधन से जुड़े बिलों पर स्पीच दी थी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज रात 8:30 बजे देश को संबोधित करेंगे। संबोधन का विषय अभी स्पष्ट नहीं किया गया है। संभावना है कि PM महिला आरक्षण से जुड़े संविधान संशोधन बिल संसद में पास न हो पाने पर बात कर सकते हैं। यह संबोधन लाइव प्रसारित किया जाएगा। शुक्रवार को केंद्र सरकार लोकसभा में सीटें बढ़ाने के लिए लाया गया संविधान का 131वां संशोधन बिल सरकार लोकसभा में पास नहीं करा पाई थी। इसमें संसद की 543 सीटें बढ़ाकर 850 करने का प्रावधान था। बिल पर लोकसभा में 21 घंटे की चर्चा के बाद वोटिंग हुई। 528 सांसदों ने वोट डाले। पक्ष में 298, विपक्ष में 230 वोट पड़े। हालांकि, बिल पास कराने के लिए दो तिहाई बहुमत की जरूरत थी। 528 का दो तिहाई 352 होता है। इस तरह बिल 54 वोट से गिर गया था। PM मोदी का राष्ट्र के नाम प्रमुख संबोधन 8 नवंबर 2016 (रात 8:00 बजे): नोटबंदी की घोषणा। 8 अगस्त 2019 (रात 8:00 बजे): जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाने के बाद देश को संबोधित किया। 19 मार्च 2020 (रात 8:00 बजे): कोरोना वायरस पर बात की और 22 मार्च को जनता कर्फ्यू की अपील की। 24 मार्च 2020 (रात 8:00 बजे): पूरे देश में 21 दिन के लॉकडाउन की घोषणा। 14 अप्रैल 2020 (सुबह 10 बजे – विशेष उल्लेख): लॉकडाउन 3 मई तक बढ़ाने की घोषणा। 12 मई 2020 (रात 8:00 बजे): आत्मनिर्भर भारत’ अभियान और 20 लाख करोड़ के पैकेज की घोषणा। 21 सितंबर 2025: PM मोदी ने ‘GST बचत उत्सव’ की घोषणा की, जो 22 सितंबर से लागू हुआ। मोदी सरकार बिल पास कराने में पहली बार नाकाम 12 साल के शासन में यह पहला मौका था, जब मोदी सरकार सदन में कोई बिल पास नहीं करा पाई। अब महिला आरक्षण नई जनगणना के नतीजे आने से पहले लागू नहीं होगा, यानी 2029 के लोकसभा चुनाव में इसका फायदा नहीं मिलेगा। सरकार ने दो बिल वोटिंग के लिए पेश ही नहीं किए पहला- परिसीमन संशोधन संविधान बिल 2026 दूसरा- केंद्र शासित प्रदेश कानून (संशोधन) बिल 2026 सरकार ने इन पर वोटिंग कराने से इनकार कर दिया। संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि दोनों पहले बिल से जुड़े हुए हैं, इसलिए इन पर अलग से वोटिंग कराने की जरूरत नहीं है। तीन बिल, जिनके लिए संसद का विशेष सत्र बुलाया 24 साल बाद कोई सरकारी बिल गिरा 2002 के आतंकवाद निवारण बिल (पोटा) के बाद संसद में पराजित होने वाला पहला सरकारी विधेयक है। 1990 के संविधान (64वां संशोधन) बिल के बाद लोकसभा में गिरने वाला पहला संविधान संशोधन विधेयक है। महिला आरक्षण और परिसीमन का कनेक्शन सरकार ने लोकसभा में तीन बिल पेश किए थे। इसमें संविधान (131वां) संशोधन बिल, परिसीमन संशोधन संविधान बिल 2026 और केंद्र शासित प्रदेश कानून (संशोधन) बिल 2026 शामिल थे। महिला आरक्षण बिल (नारी शक्ति वंदन अधिनियम) के तहत लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में 33% सीटें महिलाओं के लिए रिजर्व होंगी। हालांकि यह अब 2034 तक लागू होगा। इसके लिए परिसीमन की जरूरत है। परिसीमन का मतलब है कि देश की आबादी के आधार पर लोकसभा और विधानसभा की सीटों की सीमाएं और संख्या तय करना। यह काम एक परिसीमन आयोग करता है। पहले तय होगा कि किस राज्य में कितनी सीटें होंगी। किन इलाकों की सीमाएं क्या होंगी। उसके बाद ही आरक्षण तय हो पाएगा। ——————————– लोकसभा में बिल गिरने से जुड़ी ये खबरें भी पढ़ें… प्रियंका बोलीं-सीटें बढ़ाना सत्ता में बने रहने की साजिश थी:हमें महिला विरोधी कहकर मसीहा नहीं बन सकते; खुश हूं कि विपक्ष ने विरोध किया कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी ने शनिवार को कहा, ‘कल लोकसभा में जो हुआ वो लोकतंत्र की बहुत बड़ी जीत है। सरकार परिसीमन और महिला आरक्षण के जरिए सत्ता में बने रहने की साजिश कर रही थी।’ उन्होंने कहा, ‘मैं बहुत खुश हूं कि लोकसभा में सीटें बढ़ाने के लिए लाया गया बिल गिर गया। सत्ता पक्ष हमें महिला विरोधी कहकर मसीहा नहीं बन सकता।’ पूरी खबर पढ़ें… लोकसभा में सीटें बढ़ाने वाला बिल क्यों गिरा:पीएम मोदी की अपील भी काम न आई; क्या सरकार ने जानबूझकर ऐसा किया, जानिए पूरी कहानी 17 अप्रैल को दोपहर करीब 2 बजे प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया पर पोस्ट के जरिए राजनीतिक दलों से महिला आरक्षण के पक्ष में मतदान करने की अपील की। पीएम की अपील और तमाम लामबंदियों के बावजूद लोकसभा में सीटें बढ़ाने वाला केंद्र सरकार का बिल लोकसभा में पास नहीं हो सका। भास्कर एक्सप्लेनर में पढ़िए इसके राजनीतिक नफा-नुकसान ही पूरी कहानी… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
PM बोले- अखिलेश मेरे मित्र, मदद कर देते हैं:स्पीकर बिड़ला ने कहा- माइक सिर्फ आपका बंद होता है, राहुल मुस्कुराए; संसद के टॉप-5 मोमेंट्स

संसद के विशेष सत्र के दौरान केंद्र सरकार ने गुरुवार को लोकसभा में महिला आरक्षण बिल पेश किया। प्रधानमंत्री मोदी ने अपनी स्पीच के दौरान अखिलेश यादव को अपना दोस्त कहा। वहीं राहुल गांधी ने केसी वेणुगोपाल से जब कहा कि आपका माइक बंद है, तो स्पीकर ने कहा- माइक सिर्फ आपका बंद होता है। उनका चालू है। इसके बाद राहुल और बिड़ला मुस्कुराने लगे। देखिए लोकसभा के टॉप-5 मोमेंट्स…
PM बोले- अखिलेश मेरे मित्र, मदद कर देते हैं:स्पीकर बिरला ने कहा- माइक सिर्फ आपका बंद होता है, राहुल मुस्कुराए; संसद के टॉप-5 मोमेंट्स

संसद के विशेष सत्र के दौरान केंद्र सरकार ने गुरुवार को लोकसभा में महिला आरक्षण से जुड़े संशोधन बिल पेश किए। प्रधानमंत्री मोदी ने स्पीच के दौरान अखिलेश यादव को अपना दोस्त कहा। वहीं, राहुल गांधी ने जब के.सी. वेणुगोपाल से कहा कि आपका माइक बंद है, तो स्पीकर ने कहा- माइक सिर्फ आपका बंद होता है। उनका चालू है। इसके बाद दोनों मुस्कुराने लगे। देखिए लोकसभा के टॉप-5 मोमेंट्स… 1. PM मोदी बोले- अखिलेश मेरे मित्र, मदद करते हैं PM मोदी की स्पीच के दौरान सपा सांसद धर्मेंद्र यादव ने अपनी चेयर से खड़े होकर कहा- आप भी पिछड़ी जाति से हैं। पिछड़ों का ध्यान नहीं रखते। ये पूरा देश देख रहा है। इस पर मोदी ने कहा- धर्मेंद्र जी, मैं आपका बहुत आभारी हूं कि आपने मेरी पहचान करा दी। ये बात सही है कि मैं अति पिछड़े समाज से आता हूं और अखिलेश जी मेरे मित्र हैं तो कभी-कभी मदद कर देते हैं। PM की बातों सुनकर सपा सांसद अखिलेश यादव हंसे और हाथ जोड़कर झुके। अखिलेश के पीछे बैठी उनकी पत्नी और सपा सांसद डिंपल यादव भी मुस्कुराती नजर आईं। 2. शाह ने स्पीकर से कहा- आप दयालु, उनको ज्यादा समय दीजिएगा लोकसभा में बिल पेश होने के तुरंत बाद, कांग्रेस सांसद के.सी. वेणुगोपाल ने इसका विरोध किया। स्पीकर ओम बिरला ने कहा- अभी बिल के इंट्रोडक्शन पर बोलना है। बिल पास थोड़ी हो रहा है। आप बाद में जितने घंटे समय मांगेगे मैं उतने घंटे बोलने के लिए दूंगा। इसके बाद अमित शाह ने खड़े होकर कहा- अभी सदन के सदस्य बिल के मेरिट्स पर कैसे बोल सकते हैं। अभी तकनीकी ऑब्जेक्शन पर ही बोल सकते हैं। उनको भाषण देने का पर्याप्त मौका मिलेगा। आप ज्यादा दयालु हैं। उनको ज्यादा समय दीजिएगा। हम भी कसकर जवाब देंगे। 3. राहुल से बिरला बोले- माइक सिर्फ आपका बंद होता है शाह के टोकने के बाद वेणुगोपाल ने फिर से बोलना शुरू किया तो राहुल ने माइक की तरफ इशारा करते हुए कहा- आपका माइक बंद है। इस पर स्पीकर ने कहा- माइक चालू है। आपका ही माइक बंद होता है। इनका बंद नहीं होता। इसके बाद राहुल और बिरला, दोनों मुस्कुराने लगे। 4. भाजपा की महिला सांसदों ने संसद के बाहर पोज दिया संसद परिसर में भाजपा सांसद बांसुरी स्वराज (बाएं से दूसरी), केंद्रीय राज्य मंत्री शोभा करंदलाजे (बाएं से तीसरी) और भाजपा सांसद साधना सिंह (एकदम दाएं) ने मीडिया के सामने पोज दिया। 5. भाजपा सांसदों ने संसद की सीढ़ियों पर सिर झुकाया असम से भाजपा के राज्यसभा सांसद तेरस गोवाला और भाजपा सांसद जोगेन मोहन ने संसद के अंदर जाने से पहले सीढ़ियों पर झुककर प्रणाम किया। जोगेन मोहन ने तो अपनी चप्पल भी उतार ली थी।
ट्रम्प ने PM मोदी को फोन किया, 40 मिनट बातचीत:ईरान जंग पर चर्चा, दोनों ने कहा- होर्मुज स्ट्रेट का खुला रहना बहुत जरूरी

PM मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रम्प के बीच करीब 40 मिनट तक फोन पर बातचीत हुई। अमेरिका-ईरान सीजफायर के बाद दोनों नेताओं के बीच पहली बातचीत थी। फोन कॉल के दौरान पीएम मोदी ने ट्रम्प से कहा, “भारत के लोग आपको पसंद करते हैं।” PM मोदी इस बातचीत को लेकर सोशल मीडिया पर लिखा- मुझे मेरे दोस्त राष्ट्रपति ट्रम्प का फोन आया। हमने दोनों देशों के बीच अलग-अलग क्षेत्रों में हुए काम और प्रगति पर बात की। हमने यह भी कहा कि आगे चलकर भारत और अमेरिका के रिश्ते को और मजबूत करेंगे। साथ ही, पश्चिम एशिया की स्थिति पर चर्चा हुई और इस बात पर जोर दिया कि हॉरमुज खुला और सुरक्षित रहना बहुत जरूरी है। अमेरिकी राजदूत बोले- भारत-US में जल्द बड़ा समझौता भारत में अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर ने कहा है कि प्रधानमंत्री मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रम्प के बीच होर्मुज की घेराबंदी के मुद्दे पर चर्चा हुई। उन्होंने यह भी बताया कि आने वाले कुछ दिनों और हफ्तों में भारत और अमेरिका के बीच ऊर्जा से जुड़े बड़े समझौते होने की उम्मीद है। राजदूत सर्जियो गोर ने कहा है कि भारत और अमेरिका के रिश्ते मजबूत हैं। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच सहयोग लगातार बढ़ रहा है और कई अहम मुद्दों पर साथ मिलकर काम किया जा रहा है। गोर के मुताबिक, ट्रम्प ने पीएम मोदी से कहा कि हम सभी आपसे प्यार करते हैं। ट्रम्प-मोदी के बीच 20 दिन में दूसरी बातचीत इससे पहले पीएम मोदी और ट्रम्प के बीच 24 मार्च को फोन पर बात हुई थी। उस बातचीत में दोनों नेताओं ने मिडिल ईस्ट के हालात पर बात की थी। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा था कि भारत चाहता है कि तनाव कम हो और जल्द से जल्द शांति बहाल हो उन्होंने होर्मुज स्ट्रेट को खुला और सुरक्षित रखने की अहमियत भी बताई थी, क्योंकि इसका असर पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था पर पड़ता है। यह खबर अपडेट हो रही है…
PM Modi Open letter Women Reservation special sittings of Parliament Assembly 2026

Hindi News National PM Modi Open Letter Women Reservation Special Sittings Of Parliament Assembly 2026 नई दिल्ली2 मिनट पहले कॉपी लिंक पीएम नरेंद्र मोदी ने 13 अप्रैल को ‘नारी शक्ति वंदन सम्मेलन’ में संबोधित किया था। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार देश की महिलाओं के नाम एक लेटर लिखा है। इस पत्र में मोदी ने कहा कि अगर 2029 में लोकसभा और अलग-अलग विधानसभाओं के चुनाव महिलाओं के लिए पूरे आरक्षण के साथ होते हैं, तो भारतीय लोकतंत्र और भी ज्यादा मजबूत और जीवंत हो जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि जब महिलाएं कई क्षेत्रों में बेहतरीन काम कर रही हैं, तो यह बिल्कुल सही है कि विधायी संस्थाओं में भी महिलाओं की भागीदारी बढ़े। भारत की बेटियों से उस चीज के लिए हमेशा इंतजार करने को नहीं कहा जा सकता, जो उनका हक है। X पर एक पोस्ट में मोदी ने लिखा- “यहां भारत की ‘नारी शक्ति’ के नाम मेरा पत्र है, जिसमें मैं उस वादे को पूरा करने की हमारी प्रतिबद्धता दोहरा रहा हूं, जो दशकों से लंबित था। मैंने अपने साथी नागरिकों के साथ उस संकल्प को जल्द ही साकार करने के विषय पर अपने विचार साझा किए हैं।” पीएम मोदी का लेटर 3 पॉइंट्स में जब महिलाएं कई क्षेत्रों में बेहतरीन काम कर रही हैं, तो यह बिल्कुल सही है कि विधायी संस्थाओं में भी महिलाओं की भागीदारी बढ़े। 2029 के लोकसभा और विधानसभा चुनाव महिलाओं के लिए पूरे आरक्षण के साथ होते हैं, तो लोकतंत्र और भी ज़्यादा मजबूत हो जाएगा। मैं आपसे आग्रह करता हूं कि अपने स्थानीय सांसदों को पत्र लिखें और इस ऐतिहासिक संसद सत्र में हिस्सा लेते समय उनका हौसला बढ़ाएं। महिला आरक्षण संशोधन बिल पर एक नजर… सितंबर 2023 में संसद ने ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ पास किया गया था, जिसे आम तौर पर ‘महिला आरक्षण अधिनियम’ के नाम से जाना जाता है। यह विधायी संस्थाओं में महिलाओं के प्रतिनिधित्व को बढ़ाने की दिशा में एक बड़ा कदम था। इस अधिनियम में लोकसभा और राज्यों की विधानसभाओं में महिलाओं के लिए एक-तिहाई सीटें आरक्षित करने का प्रावधान किया गया था। मौजूदा कानून के तहत, महिलाओं के लिए आरक्षण 2034 से पहले लागू नहीं हो पाता, क्योंकि यह 2027 की जनगणना के बाद परिसीमन प्रक्रिया पूरी होने से जुड़ा हुआ था। इसे 2029 के लोकसभा चुनावों से लागू करने के लिए, ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ में बदलाव की जरूरत थी; इसलिए, सरकार कानून में संशोधनों को पारित करने के लिए एक विशेष सत्र आयोजित कर रही है। संसद सत्र में संशोधन पास होने पर क्या होगा… सरकार ने दो बड़े संशोधनों की योजना बनाई है, जिसमें एक अलग परिसीमन विधेयक भी शामिल है। महिलाओं के लिए रिजर्वेशन तय करने के लिए इन दोनों विधेयकों को संवैधानिक संशोधन के तौर पर पारित किया जाना जरूरी है। मौजूदा स्थिति को बरकरार रखते हुए, OBC आरक्षण के लिए कोई प्रावधान नहीं किया गया है, जबकि SC/ST आरक्षण पहले की तरह ही जारी रहेगा। जब ‘महिला आरक्षण अधिनियम’ में संशोधन पास हो जाएंगे तो यह सुनिश्चित होगा कि लोकसभा सीटों की संख्या बढ़कर 816 हो जाएगी, जिनमें से 273 सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित होंगी। लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं को 33% आरक्षण देने का प्रावधान 2023 में संविधान में संशोधन करके लाया गया था। ————————– ये खबर भी पढ़ें… मोदी महिलाओं से बोले- गृहस्थ नहीं, लेकिन जानता सब हूं, हमारी योजनाओं से औरतें आर्थिक रूप से ताकतवर बनीं पीएम नरेंद्र मोदी ने 13 अप्रैल को नई दिल्ली में नारी शक्ति वंदन सम्मेलन में महिलाओं को संबोधित किया था। इस दौरान उन्होंने महिला आरक्षण बिल पर कहा था, ‘हमारे देश की संसद एक नया इतिहास रचने के करीब है। विधानसभाओं से लेकर संसद तक दशकों की प्रतीक्षा के अंत का समय आ गया है। इसलिए सरकार 16 से 18 अप्रैल तक संसद का स्पेशल सेशन लाई है।’ पढ़ें पूरी खबर… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
PM Modi Inaugurates Delhi-Dehradun Corridor

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज यूपी और उत्तराखंड दौरे पर रहेंगे। वह दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर का उद्घाटन करेंगे। वह सुबह 11:15 बजे सहारनपुर पहुंचेंगे। यहां वाइल्ड लाइफ सेक्शन का जायजा लेंगे, फिर शक्तिपीठ मां डाट काली मंदिर में दर्शन और पूजा करें . इसके बाद 12:30 बजे देहरादून से इकोनॉमिक कॉरिडोर का उद्घाटन करेंगे। 212 किलोमीटर लंबे एक्सप्रेसवे का करीब 135 किलोमीटर (64%) हिस्सा यूपी से होकर गुजरता है। 12 हजार करोड़ की लागत से करीब 4 साल में एक्सप्रेस-वे बनकर तैयार हुआ है। लोकसभा चुनाव के बाद पीएम का यह पहला सहारनपुर दौरा है। इससे पहले, 6 अप्रैल 2024 को सहारनपुर आए थे। सीएम योगी ने सोमवार को सहारनपुर पहुंचकर तैयारियों को परखा था। पीएम की सुरक्षा में 3 हजार जवान तैनात किए गए हैं। वृंदावन और पश्चिम बंगाल से मंगाए गए करीब 100 किलो फूलों से मंदिर परिसर को सजाया गया है। पीएम मोदी दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे के उद्घाटन के बाद एलिवेटेड रोड से सफर कर देहरादून पहुंचेंगे। (इनसेट में पीएम की फाइल फोटो) गणेशपुर में उतरेगा पीएम मोदी का हेलिकॉप्टर पीएम का हेलीकॉप्टर सहारनपुर के गणेशपुर हेलीपैड पर उतरेगा। यहां से वह मनोहरपुर जाएंगे। जहां पंडाल बनाया गया है। यहां पर स्क्रीन पर कॉरिडोर से जुड़े वीडियो देखेंगे। वाइल्डलाइफ कॉरिडोर की समीक्षा करेंगे। इसके बाद वह कार से ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे (एलिवेटेड कॉरिडोर) पर पहुंचेंगे। यहां पर रुककर निरीक्षण करेंगे। फिर यहां से उत्तराखंड सीमा स्थित सिद्धपीठ जय मां डाट काली मंदिर में पूजा-अर्चना करेंगे। दोपहर करीब 12:30 बजे देहरादून में जनसभा करेंगे। यहां पर वह कॉरिडोर का उद्घाटन करेंगे। सीएम योगी ने सोमवार को दिल्ली-देहरादून ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे का निरीक्षण किया। सिक्योरिटी में 3 हजार जवान तैनात पीएम के आने से पहले मां डाट काली मंदिर को वृंदावन और पश्चिम बंगाल से मंगाए गए करीब 100 किलो फूलों से सजाया गया है। प्रधानमंत्री के लिए विशेष पूजा की व्यवस्था की गई है। गणेशपुर हेलीपैड से मंदिर तक पूरे मार्ग को सजाया गया है। तीन हजार से अधिक पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं। इसके अलावा पीएसी और आरएएफ की टीमें भी सुरक्षा में लगी रहेंगी। सोमवार को एसपीजी और खुफिया एजेंसियों ने हेलीपैड, जनसभा स्थल और पूरे रूट का निरीक्षण कर सुरक्षा व्यवस्था को अंतिम रूप दिया है। अब दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस-वे को जानिए… ऊपर गाड़ियां चलेंगी, नीचे जानवर निकलेंगे, 6 घंटे का सफर 3 घंटे में पूरा होगा दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे का एक बड़ा हिस्सा जंगल से होकर गुजरता है। दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर 213 किलोमीटर लंबा है। छह लेन वाले दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर करीब 12 हजार करोड़ की लागत से तैयार किया गया है। इसके शुरू होने के बाद दिल्ली से देहरादून की यात्रा का समय लगभग छह घंटे से घटकर ढाई घंटे रह जाएगा, जिससे यात्रियों को बड़ी राहत मिलेगी। इसमें 10 इंटरचेंज, 3 रेलवे ओवर ब्रिज, 4 बड़े पुल और 12 वे-साइड सुविधाएं हैं। साथ ही एडवांस्ड ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम भी लगाया गया है। वन्यजीवों की सुरक्षित आवाजाही के लिए इसमें 12 किलोमीटर लंबा वाइल्डलाइफ एलिवेटेड कॉरिडोर बनाया गया है। जिसे एशिया के सबसे लंबे कॉरिडोर में गिना जा रहा है। इसके अलावा 8 एनिमल पास, 200-200 मीटर के दो हाथी अंडरपास और डाट काली मंदिर के पास 370 मीटर लंबी टनल भी बनाई गई है। पढ़ें पूरी खबर…
28वीं बार उत्तराखंड आ रहे PM मोदी:एलिवेटेड रोड से सफर कर पहुंचेंगे डाट काली मंदिर, दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे का करेंगे उद्घाटन

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मंगलवार (14 अप्रैल) को 28वीं बार उत्तराखंड दौरे पर पहुंचेंगे। इस बार वे दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे समेत कई बड़ी परियोजनाओं का लोकार्पण करेंगे, जिससे विकास और कनेक्टिविटी को बड़ा बूस्ट मिलने की उम्मीद है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सुबह करीब 11:15 बजे सहारनपुर पहुंचेंगे, जहां वे दिल्ली-देहरादून आर्थिक कॉरिडोर के एलिवेटेड सेक्शन पर बने वाइल्डलाइफ कॉरिडोर का निरीक्षण करेंगे। इसके बाद करीब 11:40 बजे उत्तराखंड-यूपी बॉर्डर स्थित देहरादून के मां डाट काली मंदिर में दर्शन-पूजा करेंगे। यहां से वे देहरादून के लिए रवाना होंगे और आशारोड़ी से उनका रोड शो शुरू होगा, जो शहर के प्रमुख मार्गों से गुजरते हुए आगे बढ़ेगा। रोड शो के बाद करीब 12:30 बजे प्रधानमंत्री महिंद्रा ग्राउंड पहुंचेंगे, यहां वे दिल्ली-देहरादून आर्थिक कॉरिडोर का उद्घाटन करेंगे और जनसभा को संबोधित करेंगे। इसी कार्यक्रम के दौरान टिहरी में 1000 मेगावाट क्षमता के पंप स्टोरेज प्लांट का लोकार्पण भी किया जाएगा। 2015 से शुरू हुआ दौरों का सिलसिला प्रधानमंत्री बनने के बाद नरेंद्र मोदी पहली बार 11 सितंबर 2015 को उत्तराखंड आए थे। ऋषिकेश में स्वामी दयानंद गिरी से मुलाकात के साथ उनके दौरों की शुरुआत हुई। उत्तराखंड से पीएम मोदी का धार्मिक जुड़ाव भी मजबूत रहा है। वे प्रधानमंत्री बनने के बाद अब तक केदारनाथ, बदरीनाथ, मुखबा और आदि कैलाश जैसे प्रमुख स्थलों के दर्शन कर चुके हैं। अब पढ़िए एक्सप्रेसवे में क्या खास… 14 वे-साइड फैसिलिटी, बिना रुके सफर के लिए पूरी तैयारी दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर यात्रियों की सुविधा के लिए 14 वे-साइड फैसिलिटी (रेस्ट एरिया) विकसित की गई हैं। यहां पार्किंग, फूड कोर्ट, टॉयलेट और बेसिक सर्विस जैसी सुविधाएं मिलेंगी, जिससे लंबी दूरी के सफर में बार-बार रुकने की जरूरत नहीं पड़ेगी। पूरे कॉरिडोर को इस तरह डिजाइन किया गया है कि यात्रा बिना रुकावट पूरी हो सके। इसके लिए 7 इंटरचेंज बनाए गए हैं, जहां से वाहन आसानी से अलग-अलग शहरों और सड़कों से जुड़ सकेंगे। 18.6 किमी एलिवेटेड रोड समेत मजबूत इंजीनियरिंग ढांचा इस एक्सप्रेसवे में 18.6 किलोमीटर लंबा एलिवेटेड कॉरिडोर बनाया गया है, जिससे भीड़भाड़ वाले और संवेदनशील इलाकों में ट्रैफिक सीधे ऊपर से गुजर सके। इसके अलावा पूरे रूट में 19 बड़े अंडरपास, 57 छोटे अंडरपास और 4 मेजर ब्रिज बनाए गए हैं। यह स्ट्रक्चर न सिर्फ ट्रैफिक को स्मूद बनाता है, बल्कि स्थानीय कनेक्टिविटी भी बनाए रखता है। लोकल लोगों के लिए सर्विस रोड और सुरक्षित ट्रैफिक सिस्टम स्थानीय लोगों की आवाजाही प्रभावित न हो, इसके लिए एक्सप्रेसवे के साथ सर्विस रोड बनाई गई है। यहां सुरक्षित यू-टर्न, क्रैश बैरियर और अन्य सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं। साथ ही एडवांस ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम (ATMS) लगाया गया है, जिससे ट्रैफिक की निगरानी, कंट्रोल और इमरजेंसी रिस्पॉन्स बेहतर तरीके से हो सके। दिल्ली-देहरादून सफर 6 घंटे से घटकर 2.5 घंटे रह जाएगा दिल्ली से देहरादून के बीच यात्रा अब पहले से कहीं तेज होने जा रही है। मौजूदा पारंपरिक रूट (दिल्ली-मेरठ-मुजफ्फरनगर-रुड़की-देहरादून / NH-58, NH-334) से यह दूरी करीब 235 किमी है, जिसे तय करने में ट्रैफिक जाम, शहरों के भीतर से गुजरने और मिक्स लेन के कारण आमतौर पर 6 घंटे लग जाते हैं, खासकर वीकेंड और सीजन में समय और बढ़ जाता है। नए एक्सप्रेस-वे के चालू होने के बाद यह दूरी घटकर लगभग 212 किमी रह जाएगी, यानी करीब 23 किमी की सीधी बचत होगी। इन जिलों और राज्यों को मिलेगा सीधा फायदा दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस-वे से एनसीआर, पश्चिमी यूपी और उत्तराखंड की कनेक्टिविटी तेज होगी। पूर्वी दिल्ली (अक्षरधाम, सोनिया विहार) को हाई-स्पीड कनेक्शन मिलेगा, जिससे रोजगार और रियल एस्टेट को बढ़ावा मिलेगा। पश्चिमी यूपी के बागपत, शामली, मुज़फ्फरनगर और सहारनपुर जैसे जिले सीधे एक्सप्रेस-वे से जुड़ेंगे, जिससे यात्रा समय घटेगा और गन्ना, एग्रो इंडस्ट्री व लॉजिस्टिक्स सेक्टर को फायदा होगा। उत्तराखंड में देहरादून को सीधा 6-लेन कनेक्शन मिलेगा, जबकि हरिद्वार, रुड़की और ऋषिकेश स्पर के जरिए जुड़कर पर्यटन और धार्मिक गतिविधियों को बढ़ावा देंगे। हाथियों के लिए 12KM एलिवेटेड रास्ता, शोर-रोशनी भी कंट्रोल दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस-वे पर एशिया का सबसे लंबा वाइल्ड लाइफ कॉरिडोर तैयार किया गया है, जो राजाजी नेशनल पार्क और शिवालिक वन क्षेत्र से होकर गुजरता है। यहां करीब 12 किलोमीटर लंबा एलिवेटेड सेक्शन बनाया गया है, जिसके नीचे से हाथी समेत जंगली जानवर बिना किसी रुकावट के आवाजाही कर सकेंगे। वन्यजीवों पर असर कम करने के लिए खास इंतजाम किए गए हैं। शोर को नियंत्रित करने के लिए नॉइज बैरियर लगाए गए हैं, जबकि रात में तेज रोशनी से बचाने के लिए लाइट कंट्रोल सिस्टम भी लगाया गया है, ताकि जानवरों को प्राकृतिक जंगल जैसा माहौल मिल सके। अब 3 पॉइंट्स में कॉरिडोर के बारे में जानिए 10.97 किमी अंडरपास, 12 किमी एलिवेटेड सेक्शन गणेशपुर से आशारोड़ी के बीच कुल 10.97 किलोमीटर लंबा वाइल्ड लाइफ अंडरपास तैयार किया गया है, जबकि इसके ऊपर करीब 12 किलोमीटर लंबा एलिवेटेड कॉरिडोर बनाया गया है। इसका मतलब है कि वाहनों की आवाजाही ऊपर और जानवरों की नीचे बिना रुकावट जारी रहती है। ऊंचाई 6-7 मीटर, हाथियों के लिए भी फ्री मूवमेंट कॉरिडोर की औसत ऊंचाई 6 से 7 मीटर रखी गई है, ताकि बड़े स्तनधारी जीव खासकर हाथी भी आराम से इसके नीचे से गुजर सकें। यह डिजाइन खास तौर पर हाथियों के पारंपरिक माइग्रेशन रूट को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। 2 एलीफैंट अंडरपास + 8 एनिमल अंडरपास गणेशपुर-देहरादून (NH-307) के 18.2 किमी लंबे हिस्से में वन्यजीवों के लिए 2 विशेष एलीफैंट अंडरपास और 8 अन्य एनिमल अंडरपास बनाए गए हैं। इससे अलग-अलग प्रजातियों के लिए सुरक्षित क्रॉसिंग पॉइंट सुनिश्चित किए गए हैं। पर्यटन और कारोबार दोनों को मिलेगा बड़ा बूस्ट दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस-वे के शुरू होने से यात्रा समय 2.5 घंटे रह जाएगा, जिससे दिल्ली-एनसीआर से मसूरी, ऋषिकेश, हरिद्वार, धनोल्टी और चकराता जैसे पर्यटन स्थलों पर वीकेंड ट्रिप्स में बड़ी बढ़ोतरी की उम्मीद है। हरिद्वार-ऋषिकेश स्पर के जरिए धार्मिक पर्यटन कुंभ, चारधाम और गंगा स्नान तक पहुंच भी तेज और आसान होगी, जिससे होटल, ट्रैवल और लोकल ट्रांसपोर्ट का कारोबार बढ़ेगा। वहीं, व्यापार के लिहाज से यह एक्सप्रेस-वे दिल्ली-एनसीआर के इंडस्ट्रियल क्लस्टर को पश्चिमी यूपी और उत्तराखंड के औद्योगिक क्षेत्रों, जैसे- रुड़की, हरिद्वार, सहारनपुर और मुजफ्फरनगर से सीधे जोड़ेगा। इससे माल ढुलाई तेज और सस्ती होगी, लॉजिस्टिक्स लागत घटेगी और एफएमसीजी, फार्मा, ऑटो पार्ट्स व कृषि उत्पादों में निवेश के नए मौके बनेंगे। कुल
PM Modi to Address Women Leadership; Parliament Special Session

नई दिल्ली6 मिनट पहले कॉपी लिंक प्रधानमंत्री मोदी सोमवार को नई दिल्ली के विज्ञान भवन में नारी शक्ति वंदन सम्मेलन’ को संबोधित करेंगे। यह सम्मेलन ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम, 2023’ को लागू करने के लिए प्रस्तावित संशोधन के समर्थन में किया जा रहा है। PM मोदी ने कहा कि यह कार्यक्रम संसद और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने के विषय पर चर्चा को आगे बढ़ाएगा। PMO के अनुसार, सम्मेलन में सरकार, एजुकेशन, विज्ञान, खेल, उद्यमिता, मीडिया, समाज सेवा और संस्कृति जैसे क्षेत्रों के प्रतिनिधि एक साथ जुटेंगे। गौरतलब है कि सितंबर 2023 में, संसद ने ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ पारित किया था, जिसके तहत लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं के लिए एक-तिहाई सीटें रिजर्व करने का प्रावधान है। संसद में 16 अप्रैल से विशेष सत्र भी होगा महिलाओं के लिए आरक्षण को लागू करने के उद्देश्य से 16 अप्रैल को संसद का एक सत्र बुलाया जा रहा है। ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ ने महिलाओं के लिए आरक्षण को नई जनगणना और परिसीमन (सीमांकन) से जोड़ दिया था। जनगणना में हुई देरी के चलते, अब 2011 की जनगणना के आंकड़ों के आधार पर ही आगे बढ़ने की योजना है। संशोधन के बाद लोकसभा सीटों की संख्या 543 से बढ़कर 816 हो सकती है। नारी शक्ति वंदन अधिनियम में 2 बड़े संशोधन की प्लानिंग सरकार ने दो बड़े संशोधनों की योजना बनाई है, जिसमें एक अलग परिसीमन विधेयक भी शामिल है। महिलाओं के लिए रिजर्वेशन तय करने के लिए इन दोनों विधेयकों को संवैधानिक संशोधन के तौर पर पारित किया जाना जरूरी है। मौजूदा स्थिति को बरकरार रखते हुए, OBC आरक्षण के लिए कोई प्रावधान नहीं किया गया है, जबकि SC/ST आरक्षण पहले की तरह ही जारी रहेगा। ———————– ये खबर भी पढ़ें… सोनिया गांधी का दावा- महिला आरक्षण नहीं, परिसीमन असली मुद्दा: पूछा- चुनाव प्रचार के बीच विशेष सत्र की क्या जरूरत सोनिया गांधी ने सोमवार को महिला आरक्षण को लेकर सरकार की मंशा पर सवाल उठाए। उन्होंने द हिन्दू (अखबार) में लिखा कि पीएम विपक्षी दलों से उन बिलों का समर्थन करने की अपील कर रहे हैं, जिन्हें सरकार संसद के विशेष सत्र में जबरदस्ती पास कराना चाहती है। पढ़ें पूरी खबर… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔
Chandra Kumar Bose Joins TMC, Slams BJP Divisive Politics

Hindi News National Chandra Kumar Bose Joins TMC, Slams BJP Divisive Politics | PM Tamil Nadu Dialogue नई दिल्ली/तिरुवनंतपुरम/गुवाहाटी/कोलकाता/चेन्नई9 मिनट पहले कॉपी लिंक सुभाष चंद्र बोस के पोते और पूर्व बीजेपी नेता चंद्र कुमार बोस रविवार को टीएमसी में शामिल हो गए। बोस ने राज्य मंत्री ब्रात्य बसु और TMC सांसद कीर्ति आजाद की मौजूदगी में सत्ताधारी पार्टी जॉइन की। टीएमसी में शामिल होने के बाद चंद्र कुमार ने कहा- आज हम देख रहे हैं कि BJP बांटने वाली राजनीति करती है और सांप्रदायिक नफरत फैलाती है। अब हमें भारत को बचाने और बांटने वाली राजनीति का विरोध करने के लिए लड़ना होगा। चंद्र बोस 2016 में BJP में शामिल हुए थे और उसी साल भवानीपुर से मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के खिलाफ विधानसभा चुनाव लड़ा था, लेकिन वे हार गए। बाद में उन्होंने 2019 का लोकसभा चुनाव कोलकाता दक्षिण से लड़ा लेकिन उन्हें फिर से हार का सामना करना पड़ा। 2023 में उन्होंने भाजपा छोड़ दी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सोमवार को शाम 4 बजे ‘मेरा बूथ-सबसे मजबूत संवाद’ कार्यक्रम के माध्यम से तमिलनाडु के भाजपा कार्यकर्ताओं से वर्चुअल संवाद करेंगे। चुनाव राज्यों में कल के बड़े अपडेट्स… पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कहा- बीजेपी ने बंगाल में टीएमसी सरकार को सत्ता से हटाने के लिए ₹1000 करोड़ की डील की है। ममता बनर्जी बोलीं- बीजेपी जहरीले सांप से भी ज्यादा खतरनाक है। सांप को शरण दी जा सकती है, लेकिन बीजेपी को नहीं। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने रविवार को तमिलनाडु के सत्तूर में रोड शो किया। TVK प्रमुख विजय नेआज कन्याकुमारी में छह विधानसभा सीटों पर अपने उम्मीदवारों के लिए रैली की। चुनाव से जुड़े पल-पल के अपडेट्स के लिए ब्लॉग से गुजर जाइए…. दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔
Chandra Kumar Bose Joins TMC, Slams BJP Divisive Politics

Hindi News National Chandra Kumar Bose Joins TMC, Slams BJP Divisive Politics | PM Tamil Nadu Dialogue नई दिल्ली/तिरुवनंतपुरम/गुवाहाटी/कोलकाता/चेन्नई2 घंटे पहले कॉपी लिंक सुभाष चंद्र बोस के पोते और पूर्व बीजेपी नेता चंद्र कुमार बोस रविवार को टीएमसी में शामिल हो गए। बोस ने राज्य मंत्री ब्रात्य बसु और TMC सांसद कीर्ति आजाद की मौजूदगी में सत्ताधारी पार्टी जॉइन की। टीएमसी में शामिल होने के बाद चंद्र कुमार ने कहा- आज हम देख रहे हैं कि BJP बांटने वाली राजनीति करती है और सांप्रदायिक नफरत फैलाती है। अब हमें भारत को बचाने और बांटने वाली राजनीति का विरोध करने के लिए लड़ना होगा। चंद्र बोस 2016 में BJP में शामिल हुए थे और उसी साल भवानीपुर से मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के खिलाफ विधानसभा चुनाव लड़ा था, लेकिन वे हार गए। बाद में उन्होंने 2019 का लोकसभा चुनाव कोलकाता दक्षिण से लड़ा लेकिन उन्हें फिर से हार का सामना करना पड़ा। 2023 में उन्होंने भाजपा छोड़ दी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सोमवार को शाम 4 बजे ‘मेरा बूथ-सबसे मजबूत संवाद’ कार्यक्रम के माध्यम से तमिलनाडु के भाजपा कार्यकर्ताओं से वर्चुअल संवाद करेंगे। चुनाव राज्यों में कल के बड़े अपडेट्स… पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कहा- बीजेपी ने बंगाल में टीएमसी सरकार को सत्ता से हटाने के लिए ₹1000 करोड़ की डील की है। ममता बनर्जी बोलीं- बीजेपी जहरीले सांप से भी ज्यादा खतरनाक है। सांप को शरण दी जा सकती है, लेकिन बीजेपी को नहीं। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने रविवार को तमिलनाडु के सत्तूर में रोड शो किया। TVK प्रमुख विजय नेआज कन्याकुमारी में छह विधानसभा सीटों पर अपने उम्मीदवारों के लिए रैली की। चुनाव से जुड़े पल-पल के अपडेट्स के लिए ब्लॉग से गुजर जाइए…. दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔









