कटनी नगर निगम के 3.81 करोड़ सरकारी विभागों पर बकाया:नगर निगम आयुक्त बोलीं-वित्तीय संकट गहराया, विकास कार्य हो रहा है प्रभावित

कटनी नगर निगम इन दिनों वित्तीय संकट से जूझ रहा है। दरअसल, सरकारी विभागों पर सालों से लंबित सेवा कर की वजह से है। निगम के अनुसार विभिन्न शासकीय संपत्तियों पर कुल 3 करोड़ 81 लाख 48 हजार 560 रुपए का कर बकाया है। यह राशि वित्तीय 2010-11 से लेकर 2025-26 तक की अवधि से जुड़ी है। लंबे समय से भुगतान नहीं होने के कारण निगम की आर्थिक स्थिति प्रभावित हो रही है। विकास कार्यों पर पड़ रहा असर निगम अधिकारियों का कहना है कि बकाया राशि के चलते शहर के जरूरी विकास कार्य प्रभावित हो रहे हैं। सड़कों की मरम्मत, नालियों की सफाई, स्ट्रीट लाइट व्यवस्था और पार्कों के रखरखाव जैसे कामों के लिए पर्याप्त फंड नहीं मिल पा रहा है। जब संबंधित विभागों से संपर्क किया जाता है तो वे बजट की कमी का हवाला देकर भुगतान टाल देते हैं। 56 विभागों पर बकाया, पांच बड़े देनदार निगम की सूची में कुल 56 सरकारी विभाग शामिल हैं जिन पर सेवा कर बकाया है। इनमें पांच प्रमुख बकायादार इस प्रकार हैं: सचिव, कृषि उपज मंडी- 86 लाख 21 हजार 263 रुपए जिला अस्पताल- 53 लाख 32 हजार 035 रुपए शासकीय तिलक महाविद्यालय-37 लाख 62 हजार 719 रुपए शासकीय औद्योगिक संस्थान (आईटीआई) – 30 लाख 58 हजार 260 रुपए कलेक्टर कार्यालय (जिला दण्डाधिकारी)-14 लाख 79 हजार 653 रुपए अधिकारियों ने जारी किया नोटिस वित्तीय साल की समाप्ति नजदीक आते ही निगम ने वसूली अभियान तेज कर दिया है। राजस्व अधिकारी जागेश्वर प्रसाद पाठक ने बिलैया तलैया स्थित निगम की 15 दुकानों के आवंटियों को तीन दिन में किराया जमा करने का नोटिस दिया है। समय पर भुगतान नहीं होने पर लीज निरस्त कर दुकानों में ताला लगाने की चेतावनी दी गई है। आम नागरिकों के लिए शिविर लगाए जा रहे हैं और बकाया न चुकाने वालों के नल कनेक्शन भी काटे जा रहे हैं। समयसीमा में वसूली का प्रयास नगर निगम आयुक्त तपस्या परिहार ने बताया कि कर वसूली के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है। शासकीय विभागों को पत्र भेजकर समयसीमा में भुगतान करने को कहा गया है। उनका कहना है कि प्रयास है कि वसूली पूरी हो, ताकि शहर की मूलभूत सुविधाएं प्रभावित न हों।
सफेदा के पत्ते एंटीबैक्टीरियल और सूजनरोधी गुण से होते हैं भरपूर, सर्दी, खांसी और सांस की बीमारियों में फायेदमंद

Last Updated:February 27, 2026, 14:27 IST लिप्टस (नीलगिरी/सफेदा) के पत्ते अपने औषधीय गुणों के कारण सेहत के लिए बहुत फायदेमंद होते हैं. इसमें एंटीबैक्टीरियल और सूजनरोधी गुण होते हैं. जो सर्दी, खांसी, बंद नाक और सांस संबंधी समस्याओं में भाप या काढ़े के रूप में राहत दिलाते हैं. इसके तेल का उपयोग जोड़ों के दर्द, त्वचा संक्रमण को कम करने और मानसिक स्पष्टता बढ़ाने के लिए भी किया जाता है. डॉक्टर रवि आर्य ने बताया कि लिप्टस के पत्ते और तेल अपनी एंटीसेप्टिक, एंटीवायरल और सूजन-रोधी गुणों के कारण सांस की समस्याओं जैसे सर्दी, खांसी, अस्थमा और जकड़न के लिए रामबाण माने जाते हैं. इसकी भाप या चाय का सेवन कफ को पतला कर बाहर निकालने में मदद करता है. लिप्टस (नीलगिरी) के पत्ते और तेल में दर्द निवारक और सूजन-रोधी गुण होते हैं. जो जोड़ों के दर्द, मांसपेशियों की जकड़न और सूजन में बहुत प्रभावी हैं. इन्हें नारियल या जैतून के तेल में मिलाकर मालिश करने, गर्म पानी में डालकर भाप लेने या चाय के रूप में सेवन करने से राहत मिलती है. लिप्टस (नीलगिरी) के पत्ते फ्लेवोनोइड्स और टैनिन जैसे शक्तिशाली एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर होते हैं. जो शरीर को फ्री रेडिकल्स (मुक्त कणों) से होने वाले ऑक्सीडेटिव तनाव से बचाते हैं. यह सूजन को कम करने, श्वसन रोगों (सर्दी-जुकाम), और रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में बहुत मददगार है. Add News18 as Preferred Source on Google लिप्टस (नीलगिरी) के पत्ते अपने शक्तिशाली रोगाणुरोधी और एंटी-इंफ्लेमेटरी गुणों के कारण त्वचा के लिए बहुत फायदेमंद होते हैं. यह मुँहासे, फंगल इन्फेक्शन को कम करने और घावों को भरने में मदद करते हैं. साथ ही त्वचा को नमी प्रदान कर उसे हाइड्रेटेड रखते हैं. इन्हें आमतौर पर भाप, काढ़े, या तेल (कैरियर ऑयल के साथ) के रूप में इस्तेमाल किया जाता है. लिप्टस (नीलगिरी) के पत्ते अपने एंटीबैक्टीरियल और सूजनरोधी गुणों के कारण मौखिक स्वास्थ्य के लिए बेहतरीन हैं. ये मसूड़ों की बीमारी, कैविटी और दांतों की सड़न पैदा करने वाले बैक्टीरिया से लड़ने में मदद करते हैं. इनके उपयोग से सांसों की दुर्गंध दूर होती है और मसूड़ों से खून आना भी कम हो सकता है. लिप्टस (नीलगिरी) के पत्ते अपने जीवाणुरोधी और सूजनरोधी गुणों के कारण दांतों और मसूड़ों के स्वास्थ्य के लिए बहुत फायदेमंद हैं. ये मसूड़ों से खून आना, प्लाक (पट्टिका) कम करने और कैविटी को रोकने में मदद कर सकते हैं. जिससे दांतों की मजबूती बनी रहती है. इसके एंटीसेप्टिक गुणों के कारण, इसका उपयोग मसूड़ों की सूजन और पायरिया जैसी समस्याओं के लिए एक प्राकृतिक उपचार के रूप में किया जाता है. लिप्टस (नीलगिरी/सफेदा) के पत्तों में शक्तिशाली जीवाणुनाशक, रोगाणुरोधी और एंटीसेप्टिक गुण होते हैं, जो मुख्य रूप से उनके आवश्यक तेल के कारण होते हैं। यह स्टैफिलोकोकस ऑरियस जैसे हानिकारक बैक्टीरिया से लड़ते हैं, श्वसन संक्रमण, खांसी-जुकाम, साइनस, घावों को ठीक करने और त्वचा की समस्याओं में राहत देने के लिए उपयोगी होते हैं. First Published : February 27, 2026, 14:16 IST
अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसौदिया को अदालत से राहत: दिल्ली शराब नीति मामले में सीबीआई की योजनाओं की व्याख्या | व्याख्याकार समाचार

आखरी अपडेट:27 फरवरी, 2026, 14:16 IST दिल्ली शराब नीति मामला: अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसौदिया के अलावा मामले में बीआरएस नेता के कविता समेत 21 और को बरी कर दिया गया; वह सब कुछ जो आपको जानना आवश्यक है, समझाया गया आप के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल और पार्टी नेता मनीष सिसौदिया ने दिल्ली की एक अदालत द्वारा उन्हें उत्पाद शुल्क नीति से संबंधित भ्रष्टाचार मामले में बरी किए जाने के बाद परिवार के सदस्यों के साथ जश्न मनाया। (पीटीआई) अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसौदिया को बड़ी राहत देते हुए, दिल्ली की राउज़ एवेन्यू कोर्ट ने शुक्रवार को राजनीतिक रूप से आरोपित शराब नीति मामले में दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री और उनके पूर्व डिप्टी को आरोपमुक्त कर दिया, क्योंकि उसने केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) के आरोपपत्र पर संज्ञान लेने से इनकार कर दिया था। दोनों नेताओं के अलावा, बीआरएस नेता के कविता सहित 21 और लोगों को मामले में बरी कर दिया गया। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई), जो पूर्ववर्ती आप सरकार की अब समाप्त हो चुकी उत्पाद शुल्क नीति के निर्माण और कार्यान्वयन में कथित भ्रष्टाचार की जांच कर रही है, ने कहा है कि वह दिल्ली उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाएगी। फैसले के बाद अरविंद केजरीवाल फूट-फूट कर रोने लगे और उन्होंने कहा कि “सच्चाई की जीत हुई” और मामले को एक राजनीतिक साजिश बताया। आख़िरकार अधर्म और अन्याय हारता है और सच ही जीता है। सत्यमेव जयते pic.twitter.com/GZghEdhJf3 – अरविंद केजरीवाल (@ArvindKejriwal) 27 फ़रवरी 2026 कोर्ट ने क्या कहा राउज़ एवेन्यू कोर्ट के विशेष न्यायाधीश जितेंद्र सिंह ने सभी 23 आरोपियों को यह कहते हुए बरी कर दिया कि नीति में “कोई व्यापक साजिश या आपराधिक इरादा नहीं था”। कोई सबूत नहीं: न्यायाधीश ने जांच में खामियों के लिए संघीय एजेंसी को फटकार लगाते हुए कहा कि केजरीवाल के खिलाफ कोई ठोस सबूत नहीं है, जबकि सिसौदिया के खिलाफ प्रथम दृष्टया कोई मामला नहीं है। अदालत ने पाया कि सीबीआई के आरोप ठोस सबूत के बजाय अनुमान पर आधारित थे और जांच में महत्वपूर्ण कमियां देखी गईं। कोई आपराधिक साजिश नहीं: आदेश में इस बात पर प्रकाश डाला गया कि अभियोजन पक्ष यह दिखाने में विफल रहा कि केजरीवाल, सिसौदिया या अन्य लोगों के साथ कोई आपराधिक साजिश थी – एक प्रमुख तत्व जिसे आरोपों पर टिके रहने के लिए स्थापित करने की आवश्यकता थी। आंतरिक विरोधाभास: न्यायाधीश ने “कुछ भ्रामक कथनों” को रेखांकित किया और कहा कि भारी-भरकम आरोपपत्र में कई खामियाँ थीं जिनकी पुष्टि साक्ष्य या गवाहों द्वारा नहीं की गई थी। न्यायाधीश सिंह ने कहा, “…आरोपपत्र आंतरिक विरोधाभासों से ग्रस्त है, जो साजिश सिद्धांत की जड़ पर प्रहार करता है।” न्यायाधीश ने सीबीआई के मामले में “खामियों को भरने” के लिए अनुमोदक बयानों (आरोपी से गवाह बने गवाह की गवाही) पर निर्भरता की आलोचना की, यह देखते हुए कि इसे ठोस सबूत का विकल्प नहीं बनना चाहिए। उन्होंने कहा कि किसी भी सबूत के अभाव में केजरीवाल के खिलाफ आरोप टिके नहीं रह सकते और पूर्व मुख्यमंत्री को बिना किसी ठोस सबूत के फंसाया गया है। न्यायाधीश ने कहा, यह कानून के शासन के साथ असंगत था। जज ने सिसौदिया के बारे में कहा कि रिकॉर्ड पर उनकी संलिप्तता दिखाने वाली कोई सामग्री नहीं है, न ही उनसे कोई वसूली की गई है। न्यायाधीश ने एक लोक सेवक (कुलदीप सिंह) को गलती से प्राथमिक आरोपी बनाने के लिए सीबीआई अधिकारियों के खिलाफ विभागीय जांच की सिफारिश की। जिन 23 को छुट्टी दे दी गई अरविंद केजरीवाल, दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री; मनीष सिसौदिया, दिल्ली के पूर्व उपमुख्यमंत्री; के कविता, तेलंगाना एमएलसी और बीआरएस नेता; विजय नायर, पूर्व आप संचार प्रभारी; दुर्गेश पाठक, आप विधायक; कुलदीप सिंह, पूर्व आबकारी आयुक्त; नरेन्द्र सिंह, पूर्व उप-आबकारी आयुक्त; अभिषेक बोइनपल्ली, व्यवसायी; अरुण रामचन्द्र पिल्लई, व्यवसायी; समीर महेंद्रू, प्रबंध निदेशक, इंडोस्पिरिट; अमनदीप सिंह ढल, व्यवसायी, ब्रिंडको सेल्स; मूथा गौतम, व्यवसायी; मनीष सिसौदिया के कथित सहयोगी अर्जुन पांडे; बुचीबाबू गोरंटला, चार्टर्ड अकाउंटेंट; राजेश जोशी, व्यवसायी, चैरियट प्रोडक्शंस; दामोदर प्रसाद शर्मा, शराब व्यवसायी; प्रिंस कुमार, शराब व्यवसायी; इंडिया अहेड न्यूज़ के कर्मचारी अरविंद कुमार सिंह; चनप्रीत सिंह रयात, कथित फंड मैनेजर; अमित अरोड़ा, निदेशक, बडी रिटेल; विनोद चौहान, कथित बिचौलिया; आशीष चंद माथुर, व्यवसायी; पी. सरथ चंद्र रेड्डी, निदेशक, अरबिंदो फार्मा। अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसौदिया की प्रतिक्रिया केजरीवाल ने कहा, “मैं भ्रष्ट नहीं हूं। कोर्ट ने कहा है कि केजरीवाल और मनीष सिसौदिया ईमानदार हैं। बीजेपी हमारे खिलाफ आरोप लगा रही थी, लेकिन कोर्ट ने सभी को बरी कर दिया, सच्चाई की जीत हुई है… हमने हमेशा कहा है कि सत्य की जीत होती है। हमें भारतीय कानूनी व्यवस्था पर पूरा भरोसा है… मौजूदा मुख्यमंत्री को उनके घर से खींचकर बाहर निकाला गया और जेल में डाल दिया गया। केजरीवाल भ्रष्ट नहीं हैं। मैंने अपने जीवन में केवल ईमानदारी अर्जित की है।” पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसौदिया ने भी फैसले पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि फैसले से संवैधानिक संस्थाओं में विश्वास मजबूत हुआ है। सिसौदिया ने कहा, ”हमें अपने संविधान पर गर्व है।” इस बीच, अरविंद केजरीवाल की पत्नी सुनीता केजरीवाल ने एक्स पर लिखा, “इस दुनिया में, चाहे कोई कितना भी शक्तिशाली क्यों न हो जाए, शिव शक्ति से ऊपर नहीं उठ सकता। सत्य की हमेशा जीत होती है।” पत्रकारों से बात करते हुए उन्होंने कहा, “हमें बहुत सारी समस्याओं का सामना करना पड़ा, लेकिन भगवान हमारे साथ थे। हम उन लोगों के आभारी हैं जो ऐसे कठिन समय में हमारे साथ खड़े रहे।” कोर्ट ने हमारे नेताओं को बर्खास्त कर दिया। ये साबित हो गया कि देश की सत्ता पर एक खतरनाक साजिश रची गई है। @अरविंदकेजरीवाल सबसे योग्य शिक्षा मंत्री @msisodia सबसे बेहतरीन ईमानदार पार्टी @आमआदमीपार्टी को बदनाम…— संजय सिंह AAP (@SanjayAzadSln) 27 फ़रवरी 2026 बीजेपी की प्रतिक्रिया बीजेपी नेता सुधांशु त्रिवेदी ने कहा, “अदालत ने सबूतों के अभाव में उन्हें बरी कर दिया है. यह एक तकनीकी मुद्दा है. इस मामले में सीबीआई अगला कदम उठाएगी. पार्टी फैसले का विस्तार से अध्ययन करने के बाद एक संरचित प्रतिक्रिया देगी. किसी को सोचना चाहिए – अगर आरोप निराधार थे, तो आरोप कैसे तय किए गए?” भाजपा के राष्ट्रीय आईटी प्रमुख अमित मालवीय ने एक्स पर अपने विचार साझा करते हुए कहा, “दिल्ली उत्पाद शुल्क मामले में फैसला निचली
Ranji Trophy 2026 Final Update; Jammu Kashmir Vs Karnataka

Hindi News Sports Ranji Trophy 2026 Final Update; Jammu Kashmir Vs Karnataka | Auqib Nabi स्पोर्ट्स डेस्क15 मिनट पहले कॉपी लिंक रणजी ट्रॉफी फाइनल में जम्मू-कश्मीर ने कर्नाटक पर मजबूत पकड़ बना ली है। दोनों टीमों के बीच 2025-26 सीजन का फाइनल हुबली क्रिकेट ग्राउंड पर खेला जा रहा है। शुक्रवार को चौथे दिन के पहले सेशन में कर्नाटक की टीम 293 रन पर सिमट गई। जम्मू कश्मीर ने पहली पारी में 584 रन बनाए। इस तरह को 291 रन की बढ़त मिली। मयंक अग्रवाल ने 160 रन बनाए कर्नाटक ने आज सुबह 220/5 के स्कोर से आगे खेलना शुरू किया। टीम ने 73 रन बनाए और आखिरी 5 विकेट गंवा दिए। टीम के लिए इस पारी में मयंक अग्रवाल ने शतक लगाया है। वे तीसरे दिन 130 रन बनाकर नाबाद थे। हालांकि चौथे दिन के खेल के दौरान वह 160 रन बनाकर आउट हो गए। उनके आउट होने के बाद कर्नाटक की बल्लेबाजी लड़खड़ा गई और पूरी टीम 293 रन बनाकर ऑलआउट हो गई। नबी ने 5 विकेट लिए जम्मू-कश्मीर की ओर से आकिब नबी ने सबसे ज्यादा 5 विकेट लिए। उन्होंने 23 ओवर में 54 रन देकर 5 विकेट झटके। नबी ने केएल राहुल (13), करुण नायर (0), स्मरण रविचंद्रन (0), मयंक अग्रवाल (160) और शिखर शेट्टी (0) के विकेट लिए। तीसरे दिन जम्मू 584 पर ऑलआउट रणजी ट्रॉफी फाइनल के तीसरे दिन जम्मू-कश्मीर ने कर्नाटक पर मजबूत पकड़ बना ली है। तीसरे दिन का खेल खत्म होने तक कर्नाटक ने 220 रन बनाने में 5 विकेट गंवा दिए। जम्मू कश्मीर ने पहली पारी में 584 रन बनाए। इस तरह कर्नाटक अब भी 364 रन से पीछे है। पूरी खबर… कर्नाटक के लिए प्रसिद्ध कृष्णा ने सबसे ज्यादा 5 विकेट लिए। दूसरे दिन जम्मू-कश्मीर का स्कोर 527/6 बुधवार को दूसरे दिन का खेल खत्म होने तक जम्मू-कश्मीर ने 6 विकेट खोकर 527 रन बना लिए। साहिल लोत्रा 57 रन और आबिद मुश्ताक 20 रन पर नाबाद। कर्नाटक के लिए प्रसिद्ध कृष्णा ने सबसे ज्यादा 3 विकेट लिए। पूरी खबर… पहले दिन शुभम पुंदीर ने शतक लगाया पहले दिन जम्मू-कश्मीर के लिए शुभम पुंदीर ने शतक लगाया था। उन्होंने 121 रन की पारी खेली। उनके अलावा ओपनर यावर हसन ने 88 रन बनाए थे। पहले दिन टीम ने 2 विकेट के नुकसान पर 284 रन बनाए थे। दोनों विकेट प्रसिद्ध ने झटके थे। पूरी खबर… यावर हसन और शुभम पुंदीर (दाएं) के बीच दूसरे विकेट के लिए 139 रन की साझेदारी हुई। दोनों टीमों की प्लेइंग-11 कर्नाटक: देवदत्त पडिकल (कप्तान), केएल राहुल, मयंक अग्रवाल, करुण नायर, स्मरण रविरचंद्रन, श्रेयस गोपाल, कृतिक कृष्णा, विद्याधर पाटिल, विजयकुमार वैशाक, शिखर शेट्टी, प्रसिद्ध कृष्णा। जम्मू-कश्मीर: पारस डोगरा (कप्तान), कमरान इकबाल, यावर हसन, शुभम पुंदीर, अब्दुल समद, कन्हैया वाधवान, आबिद मुश्ताक, आकिब नबी डार, युद्धवीर सिंह चरक, साहिल लोत्रा, सुनील कुमार। ————————————— क्रिकेट का कीड़ा है तो सॉल्व कीजिए ये सुपर क्विज क्या आप खुद को क्रिकेट के सुपर फैन मानते हैं? पूरे T20 वर्ल्ड कप टूर्नामेंट के दौरान दैनिक भास्कर के खास गेम ‘SUPER ओवर’ में रोज क्रिकेट से जुड़े 6 सवाल आपका क्रिकेट ज्ञान परखेंगे। जितनी जल्दी सही जवाब देंगे उतने ज्यादा रन बनेंगे। जितने ज्यादा रन बनेंगे, लीडरबोर्ड में उतना ही ऊपर आएंगे। तो रोज खेलिए और टूर्नामेंट का टॉप स्कोरर बनिए। अभी खेलें SUPER ओवर…क्लिक करें दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
'यह हमारे लिए बहुत बड़ा सम्मान है':वेब सीरीज ‘फौदा’ के क्रिएटर लियोर राज ने पीएम मोदी से मुलाकात को बताया खास पल

मशहूर वेब सीरीज ‘फौदा’ के क्रिएटर लियोर राज ने शुक्रवार को इजराइल के यरुशलम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। उन्होंने इस मुलाकात को बहुत बड़ा सम्मान बताया। लियोर राज ने ANI को दिए इंटरव्यू में कहा कि भारत जैसे बड़े देश के प्रधानमंत्री से मिलना उनके लिए खास पल था। उन्होंने कहा कि उन्हें पता है कि भारत में उनकी सीरीज को बड़ी संख्या में दर्शक देखते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एक्टिंग, प्रोडक्शन और आर्ट को सपोर्ट करते हैं। यह देखकर उन्हें अच्छा लगा। उन्होंने कहा, “हमारे लिए यह बहुत सम्मान की बात है। हमें भारत में बहुत दर्शक मिलते हैं। आपके प्रधानमंत्री से यह सम्मान मिलना बड़ी बात है। वह अपने देश में कला और प्रोडक्शन को सपोर्ट करते हैं। हमें भी अपने देश में इससे सीख लेनी चाहिए। हम फिर से भारत के साथ काम करना चाहेंगे।” लियोर राज ने बताया कि उनकी सीरीज ‘फौदा’ का नेटफ्लिक्स प्रीमियर गोवा फिल्म फेस्टिवल में हुआ था। उन्होंने कहा कि वह फिर से भारत आना चाहते हैं और दोबारा ऐसा मौका मिलना चाहिए। बता दें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दो दिन की इजराइल यात्रा के बाद शुक्रवार को भारत लौट आए। नौ साल में यह उनकी पहली इजराइल यात्रा थी। इस दौरान भारत और इजराइल ने अपने रिश्तों को स्पेशल स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप तक बढ़ाया। पॉलिटिकल थ्रिलर वेब सीरीज है ‘फौदा’ ‘फौदा’ एक इजराइली पॉलिटिकल थ्रिलर वेब सीरीज है। इसमें इजराइल और फिलिस्तीन के बीच चल रहे संघर्ष को दिखाया गया है। अरबी भाषा में ‘फौदा’ का मतलब ‘अराजकता’ यानी Chaos होता है। सीरीज की कहानी इजराइल की एक गुप्त डिफेंस यूनिट मिस्तारविम के कमांडर डोरोन के आसपास घूमती है। डोरोन रिटायरमेंट के बाद फिर ड्यूटी पर लौटता है। उसका मकसद हमास के एक बड़े आतंकवादी, जिसे ‘द पैंथर’ कहा जाता है, को पकड़ना है। डोरोन को पहले लगा था कि वह मारा जा चुका है, लेकिन बाद में पता चलता है कि वह जिंदा है। हालांकि इसके किरदार काल्पनिक हैं, लेकिन कहानी असली घटनाओं से प्रेरित है। यह इजराइल की अंडरकवर यूनिट ‘दुवदेवन’ के अनुभवों पर आधारित है। सीरीज के निर्माता लियोर रज खुद इस यूनिट का हिस्सा रह चुके हैं और उन्होंने डोरोन का किरदार भी निभाया है। अब तक इसके चार सीजन आ चुके हैं। हर सीजन में 12 एपिसोड हैं। पांचवें सीजन की घोषणा भी हो चुकी है। इसकी कहानी 7 अक्टूबर 2023 के हमास हमलों के बाद की स्थिति पर आधारित होगी।
उभरते भारत शिखर सम्मेलन में पीयूष गोयल: क्या राहुल गांधी को यह भी पता है कि मक्का क्या है? | भारत समाचार

आखरी अपडेट:27 फरवरी, 2026, 13:28 IST पीयूष गोयल: “डेयरी, एमएसएमई, चावल, गेहूं, मक्का की रक्षा की गई है…क्या वह मक्का भी समझते हैं?…राहुल जी झूठे बहाने से लोगों को गुमराह करते हैं।” पीयूष गोयल ने अमेरिकी व्यापार समझौते पर राहुल गांधी के दावों को खारिज कर दिया। (पीटीआई फ़ाइल) केंद्रीय वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने राइजिंग भारत में सीएनएन-न्यूज18 के राहुल शिवशंकर के साथ बातचीत के दौरान अमेरिका के साथ व्यापार समझौते पर विपक्षी नेता राहुल गांधी की टिप्पणियों की आलोचना की। संयुक्त राज्य अमेरिका के वाणिज्य सचिव हॉवर्ड लुटनिक के साथ बैठक में उन्होंने कहा, “हमें विकास के लिए और अधिक प्रौद्योगिकी की आवश्यकता होगी…वहां एक गाय और बछड़ा था…” यह पूछे जाने पर कि क्या उन्होंने डेयरी के महत्व को समझाया, गोयल ने कहा, “सिर्फ इसलिए कि एक राहुल नहीं समझता, इसका मतलब यह नहीं है कि दूसरा राहुल नहीं समझेगा… मैं शाहरुख खान, राहुल की तरह नहीं कहूंगा।” नाम तो सुना होगा…डेयरी, एमएसएमई, चावल, गेहूं, मक्का की रक्षा की गई है…क्या वह मक्का भी समझते हैं? मैंने घोषणा की है कि सोयाबीन, पोल्ट्री पर कोई छूट नहीं है…जीएम खाद्य पदार्थ भारत में नहीं आएंगे…राहुल जी झूठे बहाने के आधार पर लोगों को गुमराह करते हैं। मुझे दुख है कि वह हमारे निर्दोष किसानों को गुमराह कर रहे हैं। हो सकता है, उससे समझौता कर लिया गया हो. गांधी परिवार के साथ वर्षों से समझौता किया जा रहा है…मैंने हाल ही में इसके बारे में बात की है। राहुल गांधी अंतरराष्ट्रीय शक्तियों के हाथों में खेल रहे हैं…वह भारत को गुमराह कर रहे हैं…यह सौदा भारत और उसके युवाओं की रक्षा करता है…यह भारत को विकसित बनाना चाहता है। राहुल गांधी जी इसे समझ नहीं पाए हैं या हो सकता है कि यह उनकी समझ से परे है.” एआई शिखर सम्मेलन में युवा कांग्रेस के विरोध पर सवाल उठाते हुए, गोयल ने कहा, “यह उस समय एक शर्मनाक कृत्य था जब 20 विदेशी नेता यहां थे… हमारे विकास, अवसरों को कम करने के लिए सबसे खराब राष्ट्र-विरोधी कृत्य था, जिसकी कड़े शब्दों में निंदा की जानी चाहिए… उनका भारत विरोधी रुख उजागर हो गया है… वे भारत की प्रगति को पचा नहीं सकते हैं और इसे कम करने की कोशिश कर रहे हैं। इसकी योजना कांग्रेस के बहुत उच्च स्तर पर बनाई गई होगी… 100 वर्षों से शीर्ष पर केवल एक ही परिवार रहा है। मैं नहीं रहूंगा।” आश्चर्य है अगर विरोध को नेतृत्व का आशीर्वाद प्राप्त था…” अमेरिकी व्यापार समझौते पर अपने बयान को दोहराते हुए, गोयल ने कहा, “हमारे लिए, अमेरिका एक महत्वपूर्ण व्यापारिक भागीदार, रणनीतिक और तकनीकी साझेदारी है… क्वाड्स, पैक्स सिलिका के लिए… अमेरिका एक उभरती हुई स्थिति है। हम अमेरिका में प्रशासन के साथ बातचीत कर रहे हैं। हमें इंतजार करना होगा और देखना होगा और सुनिश्चित करना होगा कि भारत के हितों की रक्षा की जाए। मैं आश्वस्त करना चाहता हूं कि भारत उन सर्वोत्तम संभावित अवसरों के लिए प्रतिबद्ध है जो एक सौदे के लिए अमेरिका के साथ बातचीत की गई थी जो हमें प्रतिस्पर्धी लाभ देता है।” भारत की विकास यात्रा में एक महत्वपूर्ण क्षण पर स्थित, न्यूज18 राइजिंग भारत शिखर सम्मेलन 2026 27-28 फरवरी को भारत मंडपम में शीर्ष राष्ट्रीय नेतृत्व और अंतर्राष्ट्रीय प्रतिनिधियों को एक साथ लाता है। “स्ट्रेंथ विदइन” थीम पर आधारित यह शिखर सम्मेलन देश के सबसे बड़े प्लेटफार्मों में से एक है जहां शासन, आर्थिक महत्वाकांक्षा और रणनीतिक सोच मिलती है, जो वैश्विक बातचीत में भारत के बढ़ते प्रभाव को दर्शाती है। इस पृष्ठभूमि में, माननीय प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी शिखर सम्मेलन के केंद्रीय विषय को दिशा देते हुए मुख्य भाषण देंगे। उनका संबोधन दो दिवसीय सभा में विचार-विमर्श के लिए माहौल तैयार करते हुए तेजी से बदलती वैश्विक व्यवस्था में भारत के दीर्घकालिक विकासात्मक रोडमैप, आर्थिक गति और रणनीतिक प्राथमिकताओं को रेखांकित करेगा। पिछले कुछ वर्षों में, राइजिंग भारत मंच ठोस नीति संवाद के लिए एक विश्वसनीय स्थल के रूप में विकसित हुआ है, और 2026 संस्करण भारत की प्रगति के अगले चरण को आकार देने वाले विचारों के इर्द-गिर्द तीव्र जुड़ाव का संकेत देता है। विषय प्रत्येक नागरिक के भीतर की सामूहिक शक्ति को सलाम करता है – वह शक्ति जो नवाचार को बढ़ावा देती है, लोकतंत्र को कायम रखती है, भारत विश्व मंच पर एक अग्रणी प्रकाश के रूप में है। पहले प्रकाशित: 27 फरवरी, 2026, 12:58 IST न्यूज़ इंडिया उभरते भारत शिखर सम्मेलन में पीयूष गोयल: क्या राहुल गांधी को यह भी पता है कि मक्का क्या है? अस्वीकरण: टिप्पणियाँ उपयोगकर्ताओं के विचार दर्शाती हैं, News18 के नहीं। कृपया चर्चाएँ सम्मानजनक और रचनात्मक रखें। अपमानजनक, मानहानिकारक, या अवैध टिप्पणियाँ हटा दी जाएंगी। News18 अपने विवेक से किसी भी टिप्पणी को अक्षम कर सकता है. पोस्ट करके, आप हमारी उपयोग की शर्तों और गोपनीयता नीति से सहमत होते हैं। और पढ़ें (टैग्सटूट्रांसलेट)भारत-अमेरिका व्यापार समझौता(टी)पीयूष गोयल(टी)राहुल गांधी(टी)राइजिंग भारत समिट 2026(टी)डेयरी सेक्टर भारत(टी)भारतीय कृषि नीति(टी)रणनीतिक साझेदारी यूएस भारत(टी)मोदी मुख्य भाषण
पंजाबी सिंगर रमन लखेसर के गाने पर कंट्रोवर्सी:बादलां दा गढ़ लंबी थाना बल्लिए हटाया, शिअद बोला-एक लाइन से AAP सरकार डर गई

पंजाबी सिंगर रमन लखेसर का गाना माई वर्ल्ड -2 फिर कंट्रोवर्सी में है। इसके लिरिक्स में से जाणदा निआणा की सियाणा बल्लिए, बादलां दा गढ़ थाना लंबी बल्लिए को हटा दिया गया है। गाने को सिंगर रमन लखेसर ने गाया है। 9 महीने पहले रिलीज हुए इस गाने पर पहले भी बादलों का नाम लेने पर कंट्रोवर्सी हो चुकी है। इस पर सिंगर ने कहा था कि ये लाइन किसी ने उससे नहीं डलवाई है, बल्कि वह इसी इलाके का रहने वाला है तो ये लाइन नेचुरली उसके दिमाग में आई थी तो गाने में डाली है। सिंगर ने बादलों की तारीफ के आरोपों को भी नाकारा था। अब यूथ अकाली दल ने इसे लेकर AAP सरकार को घेरा है। आरोप है कि आप की शह पर इस गीत से बादलों का नाम हटाया गया है। यूथ अकाली दल के अध्यक्ष सरबजीत सिंह झिंझर ने एक्स पर वीडियो जारी कर कहा कि सरकार बादलों के नाम से बौखला चुकी है। अब गीतों पर सेंसिरशिप’ लगाने जैसा काम किया जा रहा है। उन्होंने सोशल मीडिया पर कहा कि एक गाने की लाइन को हटवाने से पंजाब के लोगों की भावनाएं नहीं बदली जा सकतीं। बता दें कि 9 महीने पहले रिलीज इस गीत को 20 मिलियन व्यू मिल चुके हैं। जानें यूथ अकाली दल ने सरकार पर क्या कहा
Delhi Liquor Scam: Kejriwal, Sisodia Acquitted

नई दिल्ली7 मिनट पहले कॉपी लिंक दिल्ली के पूर्व सीएम अरविंद केजरीवाल और दिल्ली सरकार के पूर्व मंत्री मनीष सिसोदिया को दिल्ली शराब नीति केस में बड़ी राहत मिली। राउज एवेन्यू कोर्ट ने केजरीवाल- सिसोदिया समेत सभी 23 लोगों CBI मामले में सभी आरोपों में बरी किया। कोर्ट ने कहा- दोनों के खिलाफ बिना सबूत के आरोप साबित नहीं होता है। कोर्ट से बाहर आए केजरीवाल रोने लगे, कहा- मैंने जिंदगीभर ईमानदारी कमाई। केजरीवाल जब घर पहुंचे तो पत्नी-बेटी ने उनका फूलों से स्वागत किया…देखिए Photo-Video दिल्ली शराब नीति केस में राउज एवेन्यू कोर्ट ने केजरीवाल समेत 23 लोगों को बरी किया। सुनवाई के बाद केजरीवाल मुस्कुराते हुए कोर्ट से बाहर निकले। कोर्ट के बाहर मीडिया से बातचीत के दौरान केजरीवाल भावुक हो गए। उन्होंने कहा- मैंने जिंदगी में सिर्फ ईमानदारी कमाई है। इन्होंने झूठा केस लगाया। आज ये साबित हो गया कि केजरीवाल कट्टर ईमानदार है। केजरीवाल जब भावुक हुए तो पास खड़े मनीष सिसोदिया ने उन्हें ढांढस बंधाया। उन्होंने केजरीवा को गले लगा लिया। केजरीवाल के वकील भी उन्हें संभालते नजर आए। कोर्ट से निकलने के बाद केजरीवाल अपने घर पहुंचे। सिसोदिया भी उनके साथ रहे। केजरीवाल की बेटी और पत्नी ने दोनों पर फूल बरसा कर दोनों का स्वागत किया। केजरीवाल की पत्नी सुनीता दौड़कर उनके पास पहुंचीं। वे बहुत भावुक थीं और खुश भी थीं। इसके बाद केजरीवाल की पत्नी सुनीता उनसे लिपट गईं। इस दौरान दोनों भावुक नजर आए। पास में मौजूद केजरीवाल की बेटी और बेटा। सुनीता ने पति के बरी होने पर खुशी जताई। X पोस्ट में लिखा- इस संसार में, कोई कितना भी शक्तिशाली क्यों न हो जाए, वह शिव शक्ति से ऊपर नहीं उठ सकता। सत्य की ही जीत होती है। शराब घोटाला केस में बीआरएस नेता के.कविता को भी आरोपी बनाया गया था। कोर्ट के इस फैसले के बाद तेलंगाना में कविता के समर्थकों ने खुशी मनाई। इस दौरान कविता ने सभी का हाथ जोड़कर अभिनंदन किया। ………………………. केजरीवाल मामले की पूरी जानकारी के ये खबर पढ़ें… दिल्ली शराब नीति केस, केजरीवाल-सिसोदिया CBI केस में बरी: कोर्ट बोला- चार्जशीट में खामियां; फैसले के बाद केजरीवाल रोते हुए बोले- जिंदगीभर ईमानदारी कमाई ‘ मैं ईमानदार हूं, मनीष सिसोदिया कट्टर ईमानदार है, आम आदमी पार्टी कट्टर ईमानदार है। मैं प्रधानमंत्री जी से कहना चाहता हूं कि सत्ता के लिए इस तरह से खिलवाड़ मत कीजिए देश के साथ। इस तरह से संविधान के साथ खिलवाड़ मत कीजिए। आपको सत्ता चाहिए, अच्छे काम कीजिए’शराब नीति घोटाला मामले में बरी होने के बाद केजरीवाल, पूरी खबर पढ़ें… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
NSE MD & CEO Ashish Kumar Chauhan Said, India poised for major leap in AI, to become global services powerhouse like IT revolution

Hindi News Business NSE MD & CEO Ashish Kumar Chauhan Said, India Poised For Major Leap In AI, To Become Global Services Powerhouse Like IT Revolution नई दिल्ली4 मिनट पहले कॉपी लिंक नेशनल स्टॉक एक्सचेंज के MD और CEO अशिश कुमार चौहान नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) के MD और CEO अशिश कुमार चौहान ने कहा है कि भारत आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) में बड़ी छलांग लगाने के लिए तैयार है। देश IT रेवोल्यूशन की तरह ही AI में दुनिया का लीडिंग एडॉप्टर और ग्लोबल सर्विसेज पावरहाउस बन सकता है। चौहान ने शुक्रवार को मुंबई में ‘IMC भारत कॉलिंग कॉन्फ्रेंस 2026’ के उद्घाटन सेशन में यह बात कही। वे गेस्ट ऑफ ऑनर के तौर पर वहां मौजूद थे। AI में दुनिया का लीडर बन सकता है भारत अशिश कुमार चौहान ने कहा कि भारत AI में मेजर लीप यानी बड़ी छलांग लगाने की स्थिति में है। देश दुनिया का सबसे बड़ा AI एडॉप्टर बन सकता है और ग्लोबल सर्विसेज में पावरहाउस की तरह उभरेगा। ठीक वैसे ही जैसा 90 के दशक में IT रेवोल्यूशन के समय हुआ था। उन्होंने जोर दिया कि युवा और टेक-सेवी पॉपुलेशन पहले IT बूम को ड्राइव कर चुकी है और अब AI ट्रांसफॉर्मेशन में भी वही रोल प्ले करेगी। एडवांस्ड मैन्युफैक्चरिंग और AI का कॉम्बिनेशन चौहान ने बताया कि भारत एडवांस्ड मैन्युफैक्चरिंग, AI, रोबोटिक्स, बायोटेक और सेमीकंडक्टर्स जैसे सेक्टर्स में तेजी से आगे बढ़ रहा है। इन सबको मिलाकर ग्लोबली कॉम्पिटिटिव इकोसिस्टम बनाया जा सकता है। AI और दूसरी इमर्जिंग टेक्नोलॉजीज प्रोडक्टिविटी बढ़ाएंगी और ग्लोबल सर्विसेज में भारत का फुटप्रिंट और बड़ा करेंगी। नए बाइलेटरल टाइज से मिलेगा बूस्ट NSE CEO ने कहा कि यूरोप, अमेरिका, यूके, ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड जैसे देशों से नए बाइलेटरल रिलेशंस भारत के ग्रोथ मोमेंटम को और मजबूत कर रहे हैं। पॉलिसी सपोर्ट, ग्लोबल पार्टनरशिप्स और टेक्नोलॉजिकल एडवांसमेंट के सही मिक्स से AI एरा में IT रेवोल्यूशन जैसी सफलता दोहराई जा सकती है। IT रेवोल्यूशन से मिलता है सबक चौहान ने याद दिलाया कि 90 के दशक में भारत की युवा पॉपुलेशन ने IT सर्विसेज को ग्लोबल लेवल पर पहुंचाया। आज वही युवा AI एडॉप्शन और सर्विसेज में लीड कर सकता है। उन्होंने कहा कि भारत एक निर्णायक मोमेंट पर खड़ा है, जहां टेक्नोलॉजिकल इनोवेशन और मैन्युफैक्चरिंग स्ट्रेंथ को जोड़कर बड़ा खेल खेला जा सकता है। कॉन्फ्रेंस का मकसद क्या है ‘IMC भारत कॉलिंग कॉन्फ्रेंस 2026’ में विजनरीज, पॉलिसीमेकर्स और इंडस्ट्री लीडर्स इकट्ठा हुए हैं। इसका फोकस ग्लोबली कॉम्पिटिटिव मैन्युफैक्चरिंग और एक्सपोर्ट पावरहाउस बनाने का रोडमैप तैयार करना है। कॉन्फ्रेंस में मैन्युफैक्चरिंग कैपेबिलिटीज मजबूत करने, एक्सपोर्ट्स बढ़ाने और एडवांस्ड टेक्नोलॉजीज में भारत को की प्लेयर बनाने पर चर्चा हो रही है। एक्सपर्ट्स का मानना है कि अगर पॉलिसी सपोर्ट और स्किल डेवलपमेंट पर फोकस रहा तो भारत AI सर्विसेज में दुनिया का हब बन सकता है। IT जैसे लाखों जॉब्स और बिलियंस डॉलर की एक्सपोर्ट ग्रोथ AI से भी आ सकती है। दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
NSE MD & CEO Ashish Kumar Chauhan Said, India poised for major leap in AI, to become global services powerhouse like IT revolution

Hindi News Business NSE MD & CEO Ashish Kumar Chauhan Said, India Poised For Major Leap In AI, To Become Global Services Powerhouse Like IT Revolution नई दिल्ली31 मिनट पहले कॉपी लिंक नेशनल स्टॉक एक्सचेंज के MD और CEO आशीष कुमार चौहान नेशनल स्टॉक एक्सचेंज यानी NSE के चीफ आशीष कुमार चौहान का कहना है कि भारत अब AI की दुनिया में एक बड़ी ताकत बनने के लिए पूरी तरह तैयार है। उनका मानना है कि जैसे 90 के दशक में भारत ने दुनिया भर में अपनी आईटी सर्विस की पहचान बनाई थी, ठीक वैसे ही अब भारत दुनिया में AI का सबसे बड़ा यूजर और सर्विस सेंटर बनकर उभरेगा। उन्होंने कहा कि भारत के पास युवाओं की एक ऐसी आबादी है जो तकनीक को बहुत जल्दी अपनाती है और यही लोग भारत को AI के क्षेत्र में दुनिया का लीडर बनाएंगे। चौहान ने यह बात 27 फरवरी को मुंबई में आयोजित ‘IMC भारत कॉलिंग कॉन्फ्रेंस 2026’ के दौरान कही। दुनिया से मुकाबला करने को तैयार भारत आशीष चौहान ने यह भी बताया कि भारत अब सिर्फ सॉफ्टवेयर ही नहीं, बल्कि एडवांस्ड मैन्युफैक्चरिंग, रोबोटिक्स, बायोटेक और सेमीकंडक्टर्स जैसे नए क्षेत्रों में भी तेजी से आगे बढ़ रहा है। उनका कहना है कि जब AI और ये सभी क्षेत्र आपस में जुड़ेंगे, तो एक ऐसा सिस्टम तैयार होगा जो दुनिया भर के देशों का मुकाबला कर सकेगा। चौहान के मुताबिक, इन नई तकनीकों के आने से काम करने की क्षमता बढ़ेगी और पूरी दुनिया में भारत की सर्विस और पहचान और भी ज्यादा मजबूत होगी। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) के MD और CEO आशीष कुमार चौहान शुक्रवार को IMC भारत कॉलिंग कॉन्फ्रेंस 2026 के उद्घाटन सेशन में शामिल हुए। नई पार्टनरशिप और तकनीक के मेल से सफलता मिलेगी आशीष चौहान ने यह भी कहा कि भारत के दूसरे देशों जैसे अमेरिका, यूरोप और ऑस्ट्रेलिया के साथ बेहतर होते रिश्तों से हमारी तरक्की को और रफ्तार मिलेगी। उनका मानना है कि सरकार की मदद, दुनिया भर से साझेदारी और नई तकनीक के सही तालमेल से हम AI के दौर में भी वही बड़ी सफलता पा सकते हैं, जो हमने आईटी सेक्टर में पाई थी। उन्होंने याद दिलाया कि जैसे 90 के दशक में युवाओं ने भारत को आईटी का ग्लोबल लीडर बनाया, वैसे ही आज के युवा भी भारत को AI में सबसे आगे ले जा सकते हैं। चौहान के मुताबिक, भारत अब उस मुकाम पर है जहां तकनीक और मैन्युफैक्चरिंग की ताकत को जोड़कर हम दुनिया में एक बड़ा मुकाम हासिल कर सकते हैं। IMC भारत कॉलिंग कॉन्फ्रेंस में विजनरीज, पॉलिसीमेकर्स और इंडस्ट्री लीडर्स इकट्ठा हुए हैं। कॉन्फ्रेंस का मकसद क्या है? ‘IMC भारत कॉलिंग कॉन्फ्रेंस 2026’ में देश के बड़े दिग्गज और सरकार के नीति बनाने वाले लोग जुटे हैं। इनका लक्ष्य एक ऐसा रोडमैप तैयार करना है जिससे भारत दुनिया के लिए सामान बनाने और उसे दूसरे देशों को बेचने का सबसे बड़ा केंद्र बन सके। लाखों नौकरियों का मौका एक्सपर्ट्स का मानना है कि अगर सरकार का साथ मिले और युवाओं को सही ट्रेनिंगदी जाए, तो भारत पूरी दुनिया के लिए AI सर्विसेज का हब बन सकता है। जैसे आईटी सेक्टर ने देश को लाखों नौकरियां और अरबों डॉलर की कमाई दी थी, ठीक वैसी ही ग्रोथ और रोजगार के मौके अब AI के जरिए भी मिल सकते हैं। दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…








