‘बकवास, प्रोपेगैंडा फिल्म’: AIMIM प्रवक्ता ने की धुरंधर 2 पर प्रतिबंध की मांग | राजनीति समाचार

आखरी अपडेट:मार्च 21, 2026, 10:47 IST वारिस पठान ने कहा कि वह धुरंधर 2 जैसी “निरर्थक, प्रचारात्मक फिल्में” देखने से बचते हैं। एआईएमआईएम के राष्ट्रीय प्रवक्ता वारिस पठान (छवि: एएनआई) ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) के राष्ट्रीय प्रवक्ता वारिस पठान ने उदाहरण के तौर पर धुरंधर: द रिवेंज का हवाला देते हुए सरकार से “प्रचार” फिल्मों पर प्रतिबंध लगाने का आग्रह किया है। मुंबई में समाचार एजेंसी एएनआई से बात करते हुए, पठान ने शुक्रवार को रणवीर सिंह-अभिनीत फिल्म की आलोचना की और आरोप लगाया कि ऐसी फिल्में मुसलमानों को नकारात्मक रूप से चित्रित करती हैं और गलत सूचना और नफरत फैलाती हैं। उनकी टिप्पणी तब आई है जब फिल्म को यूट्यूबर ध्रुव राठी के साथ-साथ राम्या स्पंदना और प्रकाश राज जैसे अभिनेताओं की भी आलोचना का सामना करना पड़ रहा है। #घड़ी | मुंबई: ‘धुरंधर: द रिवेंज’ फिल्म पर एआईएमआईएम के राष्ट्रीय प्रवक्ता वारिस पठान का कहना है, “मैं ऐसी बकवास प्रोपेगेंडा फिल्में नहीं देखता, जो सिर्फ झूठ पर आधारित हों। कुछ घटिया लोग हैं, जो चंद रुपये कमाने के लिए नफरत और झूठ फैलाते हैं और उन्हें कुछ नहीं पता… pic.twitter.com/DkT0vMyYbA– एएनआई (@ANI) 20 मार्च 2026 एएनआई से बात करते हुए, पठान ने कहा कि वह धुरंधर 2 जैसी “निरर्थक, प्रचार फिल्में” देखने से बचते हैं, उनका दावा है कि वे झूठ फैलाते हैं। उन्होंने आगे कहा, “कुछ घटिया लोग हैं जो सिर्फ कुछ रुपये कमाने के लिए नफरत और झूठ फैलाते हैं। वे नहीं जानते कि कुछ और कैसे कमाया जाए। वे नोटबंदी जैसे वास्तविक दुनिया के उदाहरणों का उपयोग कर रहे हैं, भले ही हर कोई सच्चाई जानता है कि लोग लाइनों में कैसे खड़े थे… सरकार को ऐसी फिल्मों पर प्रतिबंध लगाना चाहिए…” पठान ने यह भी आरोप लगाया कि धुरंधर 2 जैसी फिल्में “मुसलमानों को खलनायक के रूप में चित्रित करके” पैसा कमाती हैं। उन्होंने कहा, “मनोरंजन के लिए या वास्तविक इतिहास दिखाने के लिए फिल्में बनाएं। लोगों को खुश करने के लिए फिल्में बनाएं, न कि नफरत फैलाने के लिए। सरकार को ऐसी फिल्मों पर प्रतिबंध लगाना चाहिए। एप्सटीन फाइल्स पर या अन्य विषयों पर फिल्म बनाएं। यदि आपने इसे पाकिस्तान के खिलाफ बनाया है, तो इसे पाकिस्तान में दिखाएं। आप यहां मुद्दे क्यों पैदा कर रहे हैं?” धुरंधर: द रिवेंज आदित्य धर द्वारा लिखित और निर्देशित है और उन्होंने जियो स्टूडियो और बी62 स्टूडियो के तहत लोकेश धर और ज्योति देशपांडे के साथ इसका निर्माण किया है। यह फिल्म 2025 की हिट धुरंधर की अगली कड़ी है, जिसमें भारतीय जासूस जसकीरत सिंह रंगी, जिसे हमजा अली मजारी के नाम से भी जाना जाता है, पाकिस्तान में एक आतंकवादी समूह को खत्म करने के मिशन पर थी। सीक्वल में रणवीर सिंह, अर्जुन रामपाल, संजय दत्त, आर. माधवन, सारा अर्जुन, राकेश बेदी, गौरव गेरा, दानिश पंडोर और मानव गोहिल जैसे कलाकार शामिल हैं। पहले प्रकाशित: मार्च 21, 2026, 10:45 IST समाचार राजनीति ‘बकवास, प्रचार फिल्म’: AIMIM प्रवक्ता ने धुरंधर 2 पर प्रतिबंध लगाने की मांग की अस्वीकरण: टिप्पणियाँ उपयोगकर्ताओं के विचार दर्शाती हैं, News18 के नहीं। कृपया चर्चाएँ सम्मानजनक और रचनात्मक रखें। अपमानजनक, मानहानिकारक, या अवैध टिप्पणियाँ हटा दी जाएंगी। News18 अपने विवेक से किसी भी टिप्पणी को अक्षम कर सकता है. पोस्ट करके, आप हमारी उपयोग की शर्तों और गोपनीयता नीति से सहमत होते हैं। और पढ़ें (टैग्सटूट्रांसलेट)एआईएमआईएम के राष्ट्रीय प्रवक्ता(टी)वारिस पठान(टी)धुरंधर 2(टी)धुरंधर: द रिवेंज
नर्मदापुरम में ईद उल फितर की नमाज:2500 से ज्यादा नमाजियों ने ईदगाह में झुकाया सिर; काजी बोले- ईमान की हिफाजत हमारा फर्ज

नर्मदापुरम में शनिवार को ईद-उल-फितर का त्योहार मनाया जा रहा है। सुबह 8:30 बजे शहर के ईदगाह में करीब 2500 से ज्यादा मुस्लिम धर्मावलंबियों ने मुख्य नमाज अदा की और देश, प्रदेश व शहर में अमन, चैन और खुशहाली की दुआएं मांगी। शहर काजी हाफिज अशफाक अली ने नमाज पढ़ाई, जिसके बाद लोगों ने एक-दूसरे के गले मिलकर ईद की मुबारकबाद दी। इस अवसर पर प्रशासनिक अधिकारी और स्थानीय जनप्रतिनिधि भी मुस्लिम समाज को बधाई देने के लिए ईदगाह पहुंचे। शहर काजी हाफिज अशफाक अली ने नमाज के बाद समाज को संबोधित करते हुए कहा, “ईमान की हिफाजत करना हर मुसलमान का फर्ज है। रमजान के पवित्र महीने में इबादत के बाद आने वाला त्योहार ईदुल फितर मीठी ईद के नाम से मनाया जाता है। मुस्लिमों को यह ईद रमजान के पाक महीने के बाद इनाम के तौर पर दी गई है।” उन्होंने समाजजनों से अपील करते हुए कहा, “भाईचारा और प्यार, मोहम्मद का पैगाम दें।” इसके साथ ही देश की खुशहाली के लिए विशेष दुआ की गई। तस्वीरों में देखें ईद की झलकियां 2500 से ज्यादा लोग हुए शामिल, सजीं दरगाहें और मस्जिदें ईदगाह पर मुख्य नमाज में करीब 2500 से ज्यादा लोगों ने नमाज पढ़ी। नमाज पूरी होने के बाद सभी ने एक-दूसरे को गले लगकर मुबारकबाद दी। तय समय के अनुसार, ईद की नमाज ईदगाह के अलावा शहर की अलग-अलग मस्जिदों में भी संपन्न हुई। ईद पर्व को लेकर शहर की सभी मस्जिदों, ईदगाह और दरगाहों को विशेष रूप से सजाया गया है। अधिकारी और जनप्रतिनिधि पहुंचे ईदगाह त्योहार के मद्देनजर प्रशासन भी मुस्तैद रहा। ईदगाह पर सिटी मजिस्ट्रेट देवेंद्र प्रताप सिंह, एसडीओपी जितेंद्र पाठक और कोतवाली टीआई कंचन सिंह ठाकुर पहुंचे और व्यवस्थाओं का जायजा लेने के साथ ही बधाई दी। इनके अलावा राजनीतिक दलों के नेता भी पहुंचे। कांग्रेस से नगर पालिका नेता प्रतिपक्ष अनोखीलाल राजोरिया और धर्मेंद्र तिवारी ने भी ईदगाह पहुंचकर समाजजनों को ईद की बधाई दी।
अक्षय कुमार ने चक नॉरिस के निधन पर जताया दुख:बोले- मार्शल आर्ट ट्रेनिंग के दौरान देखीं फिल्में, हर सीन से मिली सीख और प्रेरणा

बॉलीवुड एक्टर अक्षय कुमार ने हॉलीवुड एक्टर चक नॉरिस के निधन पर दुख जताया। अक्षय ने कहा कि मार्शल आर्ट सीखने के दौरान उन्होंने चक नॉरिस की कई फिल्में देखीं और ये फिल्में उनके लिए सिर्फ मनोरंजन नहीं बल्कि सीख थीं। शुक्रवार को एक X पोस्ट में अक्षय ने लिखा, “वे ऑफ द ड्रैगन, मिसिंग इन एक्शन जैसी फिल्मों में चक नॉरिस को देखना मेरे लिए एक शिक्षा की तरह था। उनका अनुशासन, ताकत और स्क्रीन पर उनकी कमांड ने मुझे प्रभावित किया।” चक नॉरिस का गुरुवार को 86 साल की उम्र में निधन हो गया। एक्टर के परिवार ने उनके इंस्टाग्राम अकाउंट के जरिए निधन की जानकारी दी। परिवार ने बताया कि उनका निधन अचानक हुआ और उस समय वे अपने परिवार के साथ थे। सिल्वेस्टर स्टेलोन ने भी चक नॉरिस के निधन पर दुख जताया। उन्होंने एक पुरानी तस्वीर शेयर करते हुए लिखा कि उनके साथ काम करना अच्छा अनुभव रहा और वे एक बेहतरीन इंसान थे। मार्शल आर्ट और टीवी शो से मिली पहचान चक नॉरिस को मार्शल आर्ट में महारत हासिल थी। उनके पास कराटे, ताइक्वांडो, तांग सू डो, ब्राजीलियन जिउ-जित्सु और जूडो में ब्लैक बेल्ट थे। उन्होंने ब्रूस ली के साथ ‘द वे ऑफ द ड्रैगन’ में काम किया। इसके बाद वे कई एक्शन फिल्मों में दिखे और CBS शो ‘वॉकर, टेक्सास रेंजर’ में लीड रोल किया, जो नौ सीजन तक चला। उनकी मशहूर फिल्मों में ‘मिसिंग इन एक्शन’, ‘कोड ऑफ साइलेंस’ और ‘फायरवॉकर’ शामिल हैं। उन्हें 1983 की फिल्म ‘लोन वुल्फ मैकक्वाड’ में रोल के लिए खास पहचान मिली। वे टीवी शो ‘वॉकर, टेक्सास रेंजर’ के लगभग 200 एपिसोड में दिखे। शो का रीबूट 2020 में शुरू हुआ और 2024 तक चला।
अक्षय कुमार ने चक नॉरिस के निधन पर जताया दुख:बोले- मार्शल आर्ट ट्रेनिंग के दौरान देखीं फिल्में, हर सीन से मिली सीख और प्रेरणा

बॉलीवुड एक्टर अक्षय कुमार ने हॉलीवुड एक्टर चक नॉरिस के निधन पर दुख जताया। अक्षय ने कहा कि मार्शल आर्ट सीखने के दौरान उन्होंने चक नॉरिस की फिल्में देखीं और ये फिल्में उनके लिए सिर्फ मनोरंजन नहीं बल्कि सीख थीं। शुक्रवार को एक X पोस्ट में अक्षय ने लिखा, “वे ऑफ द ड्रैगन, मिसिंग इन एक्शन जैसी फिल्मों में चक नॉरिस को देखना मेरे लिए एक शिक्षा की तरह था। उनका अनुशासन, ताकत और स्क्रीन पर उनकी कमांड ने मुझे प्रभावित किया।” चक नॉरिस का गुरुवार को 86 साल की उम्र में निधन हो गया। एक्टर के परिवार ने उनके इंस्टाग्राम अकाउंट के जरिए निधन की जानकारी दी। परिवार ने बताया कि उनका निधन अचानक हुआ और उस समय वे अपने परिवार के साथ थे। इससे पहले सिल्वेस्टर स्टेलोन ने भी चक नॉरिस के निधन पर दुख जताया। उन्होंने एक पुरानी तस्वीर शेयर करते हुए लिखा कि उनके साथ काम करना अच्छा अनुभव रहा और वे एक बेहतरीन इंसान थे। मार्शल आर्ट और टीवी शो से मिली पहचान चक नॉरिस को मार्शल आर्ट में महारत हासिल थी। उनके पास कराटे, ताइक्वांडो, तांग सू डो, ब्राजीलियन जिउ-जित्सु और जूडो में ब्लैक बेल्ट थे। उन्होंने ब्रूस ली के साथ ‘द वे ऑफ द ड्रैगन’ में काम किया। इसके बाद वे कई एक्शन फिल्मों में दिखे और CBS शो ‘वॉकर, टेक्सास रेंजर’ में लीड रोल किया, जो नौ सीजन तक चला। उनकी मशहूर फिल्मों में ‘मिसिंग इन एक्शन’, ‘कोड ऑफ साइलेंस’ और ‘फायरवॉकर’ शामिल हैं। उन्हें 1983 की फिल्म ‘लोन वुल्फ मैकक्वाड’ में रोल के लिए खास पहचान मिली। वे टीवी शो ‘वॉकर, टेक्सास रेंजर’ के लगभग 200 एपिसोड में दिखे। शो का रीबूट 2020 में शुरू हुआ और 2024 तक चला।
एईएन (मुख्य) परीक्षा-2024 कल से:अजमेर व जयपुर में बनाए 66 सेंटर्स, साइंटिफिक कैलकुलेटर और जेल पेन ले जा सकेंगे

राजस्थान लोक सेवा आयोग द्वारा सहायक अभियंता संयुक्त प्रतियोगी (मुख्य) परीक्षा-2024 (कार्मिक विभाग) का आयोजन 22 व 23 मार्च को प्रातः 9 से दोपहर 12 बजे तक एवं दोपहर 2.30 बजे से सायं 5.30 बजे तक होगा। आयोग ने प्रवेश पत्र अपनी वेबसाइट एवं एसएसओ पोर्टल पर अपलोड कर दिए हैं। यह परीक्षा कुल 1036 पदों के लिए आयोजित की जा रही है। अजमेर में 25 और जयपुर में 41 परीक्षा केन्द्र बनाए गए हैं। परीक्षा में 16 हजार 872 अभ्यर्थी शामिल होंगे। इनमें अजमेर में 6024 और जयपुर में 10 हजार 848 अभ्यर्थी परीक्षा देंगे। परीक्षा केन्द्र में अभ्यर्थियों को प्रत्येक परीक्षा सत्र में परीक्षा आरंभ होने के 60 मिनट पूर्व तक ही प्रवेश दिया जाएगा। अभ्यर्थी अपना प्रवेश पत्र आयोग की वेबसाइट पर उपलब्ध एडमिट कार्ड लिंक पर जाकर आवेदन-पत्र क्रमांक व जन्म दिनांक दर्ज कर डाउनलोड कर सकते हैं। साथ ही अभ्यर्थी एसएसओ पोर्टल पर लॉगिन कर सिटीजन एप्स (जी टूसी) में उपलब्ध रिक्रूटमेंट पोर्टल लिंक का चयन कर सम्बन्धित सम्बन्धित परीक्षा का प्रवेश पत्र डाउनलोड कर सकते हैं। अभ्यर्थियों को परीक्षा केन्द्र पर पहचान के लिए नवीनतम मूल रंगीन आधार कार्ड लेकर उपस्थित होना है। अभ्यर्थी प्रवेश पत्र पर भी नवीनतम स्पष्ट रंगीन फोटो ही चस्पा करना होगा। साइंटिफिक कैलकुलेटर और जेल पेन ले जा सकेंगे आयोग सचिव ने बताया कि अभियांत्रिकी विषयों के प्रश्न पत्रों को हल करने के लिए अभ्यर्थी ध्वनिरहित नॉन-प्रोग्रामेबल साइंटिफिक कैलकुलेटर का उपयोग कर सकेंगे। चूंकि यह मुख्य परीक्षा वर्णनात्मक है, इसलिए अभ्यर्थियों को नीली स्याही के पारदर्शी बॉल पेन के साथ-साथ सामान्य जेल पेन या स्याही वाले पेन के उपयोग की भी अनुमति दी गई है। इसके अतिरिक्त परीक्षार्थी अपनी आवश्यकता के अनुसार पेंसिल, रबड़ और स्केल (पैमाना) भी साथ ला सकेंगे।
सीहोर में बेमौसम बारिश और आंधी से फसल को नुकसान:गेहूं के दाने सफेद पड़ने से किसानों की बढ़ी चिंता

सीहोर जिले में बीती रात 12 बजे के बाद बेमौसम बारिश और तेज आंधी-तूफान ने गेहूं की फसल को भारी नुकसान पहुंचाया है। कई खेतों में खड़ी फसलें आड़ी पड़ गईं, जबकि कटी हुई फसलें पानी में भीग गईं। इस बेमौसम बारिश से गेहूं के दाने सफेद पड़ गए हैं, जिससे किसानों को उनकी फसल का उचित भाव मिलने में मुश्किलों का सामना करना पड़ सकता है। समर्थन मूल्य पर भी ऐसे गेहूं की खरीद में समस्या आने की आशंका है। क्षेत्र के किसान और समाजसेवी एम.एस. मेवाड़ा ने शासन-प्रशासन से मांग की है कि आंधी-तूफान और बेमौसम बारिश से प्रभावित फसलों का तत्काल सर्वे कराया जाए। उन्होंने यह भी मांग की कि जिन किसानों के गेहूं के दाने सफेद पड़ गए हैं, उन्हें भी सरकार समर्थन मूल्य पर खरीदे और किसानों को राहत प्रदान करे। सीहोर जिले के दर्जनों गांवों में रात के समय हुई इस बेमौसम आंधी, तूफान और बरसात से बड़े पैमाने पर फसलों को नुकसान पहुंचा है।
‘धुरंधर 2’ की सफलता के बीच कॉन्सर्ट में दिखीं दीपिका:रणवीर सिंह की मां और बहन भी रहीं मौजूद

19 मार्च को सिनेमाघरों में रिलीज हुई फिल्म धुरंधर 2 को दर्शकों से अच्छा रिस्पॉन्स मिल रहा है। फिल्म ने पेड प्रीव्यू और दूसरे दिन तक की कमाई मिलाकर 200 करोड़ रुपए से ज्यादा का कलेक्शन कर लिया है। फिल्म को मिले शानदार रिस्पॉन्स को लेकर शुक्रवार को मुंबई में एक आफ्टर पार्टी हुई। इसमें रणवीर सिंह फिल्म की कास्ट और क्रू के साथ नजर आए। हालांकि उनकी पत्नी दीपिका पादुकोण उनके साथ नहीं दिखीं। उसी दिन दीपिका, रणवीर की बहन रितिका भवनानी और मां अंजू भवनानी के साथ सितारवादक ऋषभ शर्मा के कॉन्सर्ट में शामिल हुईं। सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो में कॉन्सर्ट के दौरान दीपिका मुस्कुराती और एंजॉय करती नजर आईं। एक अन्य वीडियो में वह परिवार के साथ बैठकर बातचीत करती दिखीं। यह इवेंट ऋषभ शर्मा के ‘सितार फॉर मेंटल हेल्थ इंडिया टूर 2026’ का हिस्सा है। मुंबई के बाद यह टूर पुणे, हैदराबाद, जयपुर, चेन्नई, अहमदाबाद, चंडीगढ़, कोलकाता और दिल्ली में जाएगा। बता दें कि दीपिका ने अब तक फिल्म धुरंधर 2 को लेकर सोशल मीडिया पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है। फिल्म में रणवीर सिंह की एक्टिंग को उनके करियर की बेस्ट परफॉर्मेंस बताया जा रहा है। अल्लू अर्जुन, महेश बाबू समेत कई सेलिब्रिटीज ने भी इस फिल्म और रणवीर की एक्टिंग की तारीफ की है।
Global Oil Supply Hike | India Petrol-Diesel Prices Stable

नई दिल्लीकुछ ही क्षण पहले कॉपी लिंक ट्रम्प प्रशासन ने ईरानी तेल की खरीद पर प्रतिबंधों में 30 दिन की छूट दी है। ये छूट केवल समुद्र में मौजूद ईरानी तेल के टैंकरों की खरीद के लिए है। अमेरिकी ट्रेजरी मिनिस्टर स्कॉट बेसेंट ने इसकी घोषणा की। ट्रेजरी विभाग की वेबसाइट के मुताबिक यह छूट 20 मार्च से 19 अप्रैल के लिए है। ग्लोबल मार्केट में तेल की सप्लाई बढ़ाने और कीमतों को काबू में रखने के लिए ऐसा किया गया है। अमेरिका-इजराइल की ईरान के साथ चल रही जंग की वजह से क्रूड की कीमतें 110 डॉलर के पार निकल गई है। 28 फरवरी को जंग शुरू होने से पहले ये 70 डॉलर के करीब थी। स्कॉट बेसेंट ने कहा कि दुनिया के लिए इस मौजूदा सप्लाई को अस्थायी रूप से खोलकर ग्लोबल मार्केट में लगभग 14 करोड़ बैरल तेल तेजी से आएगा। इससे दुनियाभर में ऊर्जा की उपलब्धता बढ़ेगी और सप्लाई पर जो अस्थायी दबाव बना है, उसे कम करने में मदद मिलेगी। रूसी तेल की खरीद पर दूसरी बार प्रतिबंध हटाया ट्रम्प प्रशासन ने गुरुवार को एक नया ‘जनरल लाइसेंस’ जारी किया है, जिसके तहत उन रूसी टैंकरों से तेल बेचने की इजाजत दी गई है जो 12 मार्च तक लोड हो चुके थे। अमेरिकी ट्रेजरी विभाग के मुताबिक, यह छूट 11 अप्रैल 2026 तक लागू रहेगी। अमेरिकी ट्रेजरी विभाग ने स्पष्ट किया है कि यह नया लाइसेंस 12 मार्च को जारी किए गए पिछले 30 दिनों के ‘सेंक्शंस वेवर’ की जगह लेगा। युद्ध के कारण 120 डॉलर तक पहुंच गई थी तेल की कीमतें अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के कारण पिछले कुछ समय से अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव देखा जा रहा है। ब्रेंट क्रूड आज 112 डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार कर रहा है। बीते दिनों ये 120 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गया था। तेल की कीमतों के बढ़ने की सबसे बड़ी वजह ‘स्ट्रेट ऑफ होर्मुज’ का बंद होना है। ये करीब 167 किमी लंबा जलमार्ग है, जो फारस की खाड़ी को अरब सागर से जोड़ता है। ईरान जंग के कारण यह रूट अब सुरक्षित नहीं रहा है। खतरे को देखते हुए कोई भी तेल टैंकर वहां से नहीं गुजर रहा। दुनिया के कुल पेट्रोलियम का 20% हिस्सा यहीं से गुजरता है। सऊदी अरब, इराक और कुवैत जैसे देश भी अपने निर्यात के लिए इसी पर निर्भर हैं। भारत अपनी जरूरत का 50% कच्चा तेल और 54% एलएनजी इसी रास्ते से मंगाता है। ईरान खुद इसी रूट से एक्सपोर्ट करता है। अब नीचे सवाल-जवाब में इस फैसले की वजह और असर… सवाल 1: अमेरिका ने अचानक ईरान पर लगे प्रतिबंधों में ढील क्यों दी? जवाब: ईरान के साथ युद्ध शुरू हुए तीन हफ्ते हो चुके हैं। इस दौरान मिडिल-ईस्ट में तनाव और स्ट्रैट ऑफ होर्मुज के बंद होने से ग्लोबल सप्लाई चेन ठप हो गई है। कच्चे तेल की कीमतें 3.5 साल के उच्चतम स्तर पर पहुंच गई हैं। इस ‘एनर्जी क्राइसिस’ से निपटने के लिए ट्रम्प प्रशासन ने यह कदम उठाया है। सवाल 2: क्या यह अमेरिका का ईरान के प्रति नरम रुख है? जवाब: बिल्कुल नहीं। ट्रेजरी सेक्रेटरी स्कॉट बेसेंट का कहना है कि यह एक सोची-समझी रणनीति है। उन्होंने X पर लिखा, “हम तेहरान के खिलाफ ही ईरानी बैरल का इस्तेमाल कर रहे हैं ताकि कीमतें कम रखी जा सकें।” अमेरिका का तर्क है कि यह तेल वैसे भी चोरी-छिपे चीन को बेचा जाता, इससे बेहतर है कि इसे वियतनाम या थाईलैंड जैसे अमेरिकी सहयोगी देश खरीद लें। सवाल 3: इस तेल की बिक्री से होने वाली कमाई का ईरान क्या करेगा? जवाब: अमेरिका ने साफ किया है कि ईरान के लिए इस कमाई को हासिल करना बहुत मुश्किल होगा। बेसेंट के मुताबिक, अमेरिका अंतरराष्ट्रीय बैंकिंग सिस्टम पर अपनी पकड़ बनाए रखेगा ताकि ईरान इस पैसे का इस्तेमाल न कर सके। हालांकि, विशेषज्ञों का मानना है कि तेल की कीमतें 33% तक बढ़ चुकी हैं, ऐसे में ईरान को कुछ न कुछ आर्थिक फायदा तो जरूर होगा। सवाल 4: क्या 14 करोड़ बैरल तेल दुनिया की जरूरत के लिए काफी है? जवाब: यूएस एनर्जी इंफॉर्मेशन एडमिनिस्ट्रेशन (EIA) के अनुसार, 14 करोड़ बैरल तेल पूरी दुनिया की सिर्फ डेढ़ दिन की खपत के बराबर है। यूरेशिया ग्रुप के एनालिस्ट ग्रेगरी ब्रू का कहना है कि यह स्टॉक बहुत जल्द खत्म हो जाएगा। इसके बाद अमेरिका के पास या तो ईरान पर से पूरी तरह बैन हटाने का विकल्प बचेगा या फिर कोई और कड़ा रास्ता चुनना होगा। सवाल 5: ‘ऑपरेशन एपिक फ्यूरी’ क्या है और इसमें तेल का क्या रोल है? जवाब: यह ट्रम्प प्रशासन का ईरान के खिलाफ सैन्य और आर्थिक अभियान है। एक तरफ अमेरिका ईरान के सैन्य ठिकानों को तबाह कर रहा है, वहीं दूसरी तरफ वह नहीं चाहता कि इसकी वजह से वैश्विक अर्थव्यवस्था चरमरा जाए। तेल की सप्लाई सुनिश्चित करना इस ऑपरेशन का एक अहम हिस्सा है ताकि अमेरिकी वोटर्स और सहयोगी देशों पर महंगाई का बोझ न पड़े। सवाल 6: स्ट्रैट ऑफ होर्मुज को लेकर ट्रंप का क्या स्टैंड है? जवाब: दुनिया का करीब 20% तेल इसी रास्ते से गुजरता है, जिसे ईरान ने लगभग बंद कर रखा है। ट्रम्प ने इसे लेकर कहा कि एक समय के बाद यह अपने आप खुल जाएगा। वह फिलहाल सैन्य उद्देश्यों को पूरा करने पर ज्यादा ध्यान दे रहे हैं और तेल की कमी को अस्थायी दर्द मान रहे हैं। सवाल 7: आगे क्या होगा? एक्सपर्ट्स की क्या राय है? जवाब: विशेषज्ञों का मानना है कि अमेरिका के पास अब बहुत कम विकल्प बचे हैं। पूर्व अधिकारी लैंडन डेरेंट्ज़ के मुताबिक, स्थिति बहुत गंभीर है। अब या तो अमेरिका को किसी भी तरह स्ट्रैट ऑफ होर्मुज खुलवाना होगा या फिर और भी गंभीर आर्थिक परिणामों के लिए तैयार रहना होगा। नॉलेज बॉक्स: ‘सेंक्शंस वेवर’ क्या होता है? जब एक देश दूसरे पर व्यापारिक प्रतिबंध लगाता है, तो कुछ खास स्थितियों में व्यापार जारी रखने के लिए जो कानूनी छूट दी जाती है, उसे ‘वेवर’ कहते हैं। अमेरिका अक्सर अपनी जरूरत और ग्लोबल मार्केट के संतुलन के लिए ईरान और रूस जैसे देशों पर ऐसे अस्थायी वेवर जारी करता रहता है। भारत
देशभर में ईद-उल-फित्र आज:राष्ट्रपति मुर्मू और पीएम मोदी ने बधाई दी; अजमेर शरीफ दरगाह में जन्नती दरवाजा खोला गया

देशभर में आज ईद मनाई जा रही है। मस्जिदों में ईद की नमाज पढ़ने के लिए लोग इकट्ठे हो रहे हैं। ईद-उल-फित्र के मौके पर राजस्थान के अजमेर में ख्वाजा गरीब नवाज दरगाह शरीफ में सुबह 5 बजे दरगाह का ‘जन्नती दरवाजा’ खोला गया। इधर, राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने भी X पोस्ट के जरिए ईद की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने लिखा- सभी देशवासियों, विशेषकर मुस्लिम बहनों और भाइयों को हार्दिक बधाई। यह त्योहार आत्मसंयम, सेवा, परोपकार एवं वंचित वर्गों के प्रति दया का भाव रखने की सीख देता है। पीएम मोदी ने भी देशवासियों को ईद की शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने X पर लिखा- ईद-उल-फितर की हार्दिक शुभकामनाएं। कामना है कि यह दिन चारों ओर भाईचारे और सद्भावना को और अधिक बढ़ाए। सभी लोग सुखी और स्वस्थ रहें। देशभर में ईद के जश्न से जुड़े अपडेट्स के लिए ब्लॉग से गुजर जाइए….
बेटी बोली थी…पापा आप भी साथ चलो:…और मैं उसकी चिता भी नहीं देख पाया, इंदौर अग्निकांड में पत्नी-बच्चों को खोने वाले बिहार के राजेश का दर्द

इंदौर में भीषण अग्निकांड ने एक पिता की पूरी दुनिया उजाड़ दी। बिहार में रहने वाले राजेश जैन ने कभी नहीं सोचा था कि जिन बच्चों और पत्नी को उन्होंने सुरक्षित सफर के लिए अपने चचेरे भाई के साथ भेजा था, वे सभी एक ही हादसे में हमेशा के लिए उनसे दूर हो जाएंगे। इस दर्दनाक घटना में उनकी पत्नी रुचिका, बेटी राशि, बेटा तन्मय और चचेरा भाई कार्तिक समेत 8 लोगों की मौत हो गई। राजेश हादसे में मारे गए बिहार के विजय जैन के दामाद हैं। परिवार से मिलने आई थी रुचिका, साथ भेजा था कार्तिक रुचिका के पति राजेश जैन ने बताया कि उनकी पत्नी बच्चों के साथ अपने माता-पिता से मिलने इंदौर आई थीं। 15 तारीख को वे बिहार से निकले और 17 की सुबह इंदौर पहुंचे थे। बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए कार्तिक को भी उनके साथ भेजा गया था। राजेश ने बताया, “इतनी लंबी यात्रा में पत्नी और छोटे बच्चों के साथ एक लड़का होना जरूरी समझा, इसलिए छोटू को साथ भेजा था, लेकिन वह भी इस हादसे का शिकार हो गया।” बच्चों की पढ़ाई और छुट्टियों का था प्लान राजेश के मुताबिक बेटी राशि कक्षा 5वीं और बेटा तन्मय कक्षा 1 में बाल मंदिर सीनियर सेकेंडरी स्कूल में पढ़ते थे। वहीं कार्तिक ने हाल ही में 10वीं बोर्ड की परीक्षा दी थी और उसकी छुट्टियां चल रही थीं। रुचिका बच्चों को नाना-नानी से मिलाने और पिता की देखभाल के लिए इंदौर आई थीं। योजना थी कि स्कूल खुलने से पहले सभी वापस लौट जाएंगे। आखिरी बातचीत के बाद सब खत्म राजेश ने बताया कि 17 तारीख की रात करीब 8 बजे उनकी रुचिका से आखिरी बार बात हुई थी। उन्होंने घर का हाल-चाल पूछा और वापसी टिकट को लेकर चर्चा की। रुचिका ने रात 10 बजे फिर कॉल करने की बात कही थी, लेकिन उसके बाद बात नहीं हो सकी। सुबह साले का फोन आया और हादसे की खबर मिली जिसने सब कुछ खत्म कर दिया। बच्चे कह रहे थे “पापा आप भी साथ चलो…” राजेश भावुक होकर बताते हैं कि उनकी बेटी राशि ने उनसे इंदौर चलने की जिद की थी। “उसने कहा था पापा आप भी हमारे साथ चलो, हम घूमकर वापस आ जाएंगे। लेकिन काम के चलते मैं नहीं जा सका। मुझे क्या पता था कि अब मेरा परिवार कभी वापस नहीं आएगा।” माता-पिता के इलाज के लिए आई थी रुचिका रुचिका के पिता विजय सेठिया और मां सुमन इंदौर में इलाज के लिए रुके हुए थे। ऐसे में रुचिका ने बच्चों के साथ इंदौर आने की इच्छा जताई थी, ताकि वह पिता की देखभाल भी कर सके और बच्चे भी नाना-नानी से मिल सकें। अंतिम दर्शन भी नसीब नहीं हुए राजेश ने रुंधे गले से बताया कि वह अपने परिवार को आखिरी बार देख भी नहीं सके। हादसे की सूचना मिलते ही उन्होंने फ्लाइट बुक करने की कोशिश की, लेकिन सीधी उड़ान नहीं मिली। वह बिहार से कोलकाता होते हुए घटना के दिन बुधवार रात 9:30 बजे इंदौर पहुंचे, तब तक परिवार का अंतिम संस्कार किया जा चुका था। परिजनों ने बताया कि शवों की हालत खराब होने के कारण देर करना संभव नहीं था। घटनाक्रम से जुड़ी ये खबरें भी पढ़ें इंदौर में EV ब्लास्ट, एक साथ 7 चिताएं जलीं:घर के डिजिटल लॉक नहीं खुलने से 8 की मौत इंदौर में इलेक्ट्रिक कार टाटा पंच में चार्जिंग के दौरान शॉर्ट सर्किट होने से आग लग गई, जिसने तीन मंजिला मकान को अपनी चपेट में ले लिया। हादसे में रबर कारोबारी मनोज पुगलिया, उनकी गर्भवती बहू सिमरन समेत 8 लोगों की मौत हो गई, जबकि 4 लोग घायल हैं। मारे गए लोगों में से 6 मनोज के रिश्तेदार थे, जो मंगलवार को बिहार के किशनगंज से आए थे। घटना बुधवार तड़के 3.30 से 4 बजे के बीच बंगाली चौराहे के पास ग्रेटर बृजेश्वरी कॉलोनी की है। मुक्तिधाम में एक साथ 7 चिताएं जलीं इंदौर पहुंचे सीएम, अग्निकांड पीड़ितों से मिले:बेटा बोला- आग ईवी नहीं बिजली के पोल से लगी बेटे का दावा-EV से नहीं इलेक्ट्रिक पोल से निकली चिंगारी, बिजली बंद किए बिना पानी डाला; यही मौतों की वजह वक्त सबकुछ छीन सकता है…स्टेटस लिखकर सोए थे मनोज:फायर ब्रिगेड कर्मी ने काट दिया था प्रत्यक्षदर्शी का फोन








