रितेश देशमुख की फिल्म राजा शिवाजी का टीजर आउट:संजय दत्त-अभिषेक बच्चन समेत कई बड़े सितारे नजर आएंगे, 1 मई को तीन भाषाओं में रिलीज होगी मूवी

बॉलीवुड एक्टर रितेश देशमुख की फिल्म ‘राजा शिवाजी’ का पहला टीजर आज जारी कर दिया गया है। इस फिल्म में रितेश देशमुख मुख्य भूमिका निभाने के साथ-साथ डायरेक्शन की कमान भी संभाल रहे हैं। हाल ही में फिल्म ‘धुरंधर: द रिवेंज’ के साथ सिनेमाघरों में इसका एक्सक्लूसिव प्रिव्यू दिखाया गया। अब इसे दुनिया भर के दर्शकों के लिए ऑनलाइन जारी कर दिया गया है। यह फिल्म 1 मई 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज होगी। इसे मराठी के साथ-साथ हिंदी और तेलुगू भाषाओं में भी रिलीज किया जाएगा। संजय दत्त-अभिषेक बच्चन समेत बड़ी स्टारकास्ट फिल्म ‘राजा शिवाजी’ में रितेश देशमुख के साथ बॉलीवुड और मराठी सिनेमा के कई दिग्गज कलाकार नजर आएंगे। इनमें संजय दत्त, अभिषेक बच्चन, विद्या बालन, महेश मांजरेकर, सचिन खेडेकर, भाग्यश्री, फरदीन खान और जितेन्द्र जोशी जैसे नाम शामिल हैं। इसके अलावा बोमन ईरानी, अमोल गुप्ते और जेनेलिया देशमुख भी अहम किरदारों में दिखेंगे। मेकर्स ने इस फिल्म को एक बड़े पैन-इंडिया लेवल पर तैयार किया है। फिल्म में स्वराज्य के जन्म की कहानी यह फिल्म छत्रपति शिवाजी महाराज की असाधारण विरासत और ‘स्वराज्य’ की स्थापना के उनके संकल्प पर आधारित है। टीजर में फिल्म की भव्यता और इमोशनल गहराई की झलक मिलती है। रितेश देशमुख ने एक एक्टर और डायरेक्टर के तौर पर इस फिल्म में विजुअल ग्रैंड्योर और साहस की कहानी को पिरोने की कोशिश की है। फिल्म के एक्शन सीन्स और सिनेमैटोग्राफी को वर्ल्ड क्लास बनाने के लिए फेमस संतोष सिवन को बतौर सिनेमैटोग्राफर जोड़ा गया है। फिल्म को अजय-अतुल की जोड़ी ने दिया संगीत फिल्म को तकनीकी रूप से मजबूत बनाने के लिए बड़े नामों को जोड़ा गया है। फिल्म का जोड़ी अजय-अतुल ने तैयार किया है। वहीं, संतोष सिवन के विजुअल्स फिल्म को एक सिनेमाई अनुभव देने की कोशिश की है। फिल्म के टीजर को जिस तरह से पैक किया गया है, उससे साफ है कि मेकर्स इसे सिर्फ एक ऐतिहासिक ड्रामा नहीं, बल्कि एक बड़े एक्शन स्पेक्टेकल के तौर पर पेश करना चाहते हैं।
कई बीमारियों के लिए काल है नीम का पत्ता! रोजाना बस इतनी पत्तियों का करें सेवन, जानिए आयुर्वेदिक फायदे

Last Updated:March 31, 2026, 20:33 IST Health News: नीम की सबसे बड़ी खासियत इसकी एंटीबैक्टीरियल और एंटीसेप्टिक क्षमता है. यही वजह है कि गांवों में आज भी लोग दातुन करते हैं. नीम माउथ को किसी भी टूथपेस्ट से ज्यादा रिफ्रेश करता है. आइए नीम के आयुर्वेदिक फायदों के बारे में जानते हैं. नीम का पौधा आसानी से गांव में मिल जाता है, लेकिन नीम की पत्तियां हमारे स्वास्थ्य के लिए बहुत ही फायदेमंद मानी जाती हैं. डायबिटीज के मरीजों से लेकर ब्लड शुगर को कंट्रोल करने के लिए बेहद फायदेमंद मानी जाती है. नीम की पत्तियों से बदलते मौसम के साथ-साथ वायरल फीवर का प्रकोप बढ़ता जा रहा है. वायरल फीवर के साथ-साथ टाइफाइड, मलेरिया और सामान्य बुखार से भी बचाव में नीम की पत्तियों का सेवन उपयोगी माना जाता है. वहीं इस समय गर्मियों के मौसम में सबसे अधिक समस्या फंगल इन्फेक्शन को लेकर रहती है. कई बार फंगल इन्फेक्शन के कारण लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है. अगर आप भी फंगल इन्फेक्शन (दाद) की समस्या से अक्सर परेशान रहते हैं, तो सुबह खाली पेट नीम की तीन से चार पत्तियों को चबा सकते हैं. आप नीम की पत्तियों के रस का सेवन कर सकते हैं, तो फंगल इन्फेक्शन जैसी समस्या से आपको राहत मिल जाएगी. नीम की पत्तियां शरीर को अंदर से शुद्ध करने का काम करती हैं और हमारे खून को साफ करती हैं, जिससे रोग प्रतिरोध क्षमता कम होती है. वही नीम की पत्तियों का सेवन सही मात्रा में करना चाहिए. अधिक मात्रा में नीम की पत्तियों का सेवन करने से आप परेशान भी हो सकते हैं. अत्यधिक मात्रा में नीम की पत्तियों का सेवन करने से पेट में दर्द जैसी समस्या हो सकती है. गर्भवती महिलाओं को इसका सेवन नहीं करना चाहिए. Add News18 as Preferred Source on Google आयुर्वेदिक आचार्य देवेंद्र कुमार ने जानकारी देते हुए बताया कि जो लोग फंगल इंफेक्शन से एक्शन परेशान रहते हैं, वह सुबह खाली पेट 5 से 7 देसी नीम की कोपल यह पत्तियों को सुबह खाली पेट चला सकते हैं. ध्यान रहे कि पत्तियों को पेड़ से तोड़ने के बाद अच्छी तरीके से साफ पानी में धो लें. करीब 15 दिन तक लगातार नीम की पत्तियों का सेवन करने से कई बीमारियां ठीक हो सकती हैं. नीम की सबसे बड़ी खासियत इसकी एंटीबैक्टीरियल और एंटीसेप्टिक क्षमता है. यही वजह है कि गांवों में आज भी लोग दातुन करते हैं. नीम माउथ किसी भी टूथपेस्ट से ज्यादा रिफ्रेश करता है. यह कैविटी, बदबू, मसूड़ों की सूजन और ओरल हेल्थ से जुड़ी कई परेशानियां दूर करता है. नीम की पत्तियां चबाने से माउथ के हानिकारक बैक्टीरिया खत्म होते हैं, जिससे दांतों का दर्द और बदबू दोनों से राहत मिल जाती है. नीम के पत्तों का रस पेट को साफ और शुद्ध करता है, यही कारण है कि इसके पत्ते पाचन क्रिया को बेहतर बनाते हैं. नीम के पत्ते ब्लड शुगर को कंट्रोल करने में बेहद लाभकारी और गुणकारी है. नीम के पत्तों का रस सुबह खाली पेट पीने से शरीर में इम्युनिटी पावर बढ़ता है, जिससे शरीर को छोटी-मोटी बीमारियों से लड़ने की क्षमता मिलती है. नीम की पत्तियों के रस या पेस्ट लगाने से बालों का झड़ना कम होता है. यही नहीं, यह रूसी से भी निजात मिलती है. First Published : March 31, 2026, 20:08 IST
‘मुसलमानों का वोट लेकर ममता बनर्जी मंदिर…’, ओवैसी के साथ रैली से पहले बोले हुमायूं कबीर

मुर्शिदाबाद के बहरामपुर से पश्चिम बंगाल की राजनीति में एक नया बदलाव देखने को मिल रहा है। आम जनता पार्टी के प्रमुख हुमायूँ कबीर ने त्रिलोकी कांग्रेस से इस्तीफा देने के बाद बड़ा राजनीतिक दांव खेला है। उन्होंने साफ कहा, ‘मैं बेरोजगारों का नेता था, कल मैंने छुट्टी दे दी।’ कल असदुद्दीन ओवैसी और मैं 50,000 लोगों की रैली को बताएंगे। हम ममता बनर्जी कंपनी सत्ता में नहीं आएंगे।’ ममता बनर्जी को सत्ता में नहीं आने देंगे: हुमायूँ कबीर हुमायूँ कबीर ने महिलाओं के मुद्दे पर भी ममता बनर्जी को टक्कर का ऐलान कर दिया है। उन्होंने कहा, ‘वह (ममता बनर्जी) ‘लक्ष्मीर भंडार’ योजना के तहत 1500 रुपये दे रही हैं, मैं महिलाओं को 3500 रुपये का वादा करती हूं। ममता बनर्जी कंपनी सत्ता में नहीं आएंगी।’ उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी वैयक्तिक डेमोक्रेट्स 1 अप्रैल 2026 को पेश करेगी। हुमायूँ कबीर ने बीजेपी पर बढ़त बनाते हुए कहा कि शुभेंदु अधिकारी सिर्फ हिंदू-हिंदू हैं। ‘मुसलमानों का वोट लेकर मंदिर बनवाती हैं ममता बनर्जी’ ममता बनर्जी पर 3 बार मुख्यमंत्री मंदिर की स्थापना हुई। जगन्नाथ धाम बनवाती हैं, वह राजा हाट में मोती की भूमि लेकर दुर्गा मंदिर भी बनवाती हैं। वे जब ऑर्थोडॉक्स के लिए निकले तो मैं किस गुड़िया के लिए काम नहीं करूंगा? बंगाल चुनाव से पहले अपने मेनिफेस्टो में महिलाओं, युवाओं, किसानों और गरीबों को केंद्र में लाकर कई अहम घोषणाएं कीं. ममता ने जनता से किया ये वादा सीएम ममता ने वादा किया कि अगर कैथोलिक कांग्रेस की सरकार फिर बनी तो सामान्य वर्ग की महिलाओं को मिलने वाली राशि ₹1000 से लेकर ₹1500 प्रति माह कर देगी। वहीं एससी और एसटी वर्ग की महिलाओं को ₹1200 की जगह ₹1700 हर महीने दिए जाएं। वहीं युवा छात्रों को ₹1500 प्रति माह का भत्ता भी बंद कर दिया गया है। हुमायूं कबीर असदुद्दीन सोसा की पार्टी एआईएमआईएम (एआईएमआईएम) के साथ सामूहिक चुनाव लड़ रहे हैं। मतदान से पहले इन दोनों नेताओं ने पृष्ठभूमि के किले में हलचल मचा दी है। बहरामपुर में 1 अप्रैल को सोसि और कबीर की एक विशाल रैली होगी, जिसमें 50,000 से अधिक लोगों के शामिल होने का दावा किया जा रहा है। ये भी पढ़ें: पश्चिम बंगाल चुनाव 2026: ‘वोट कट’ के डर से दिल्ली से बंगाल लौटे प्रवासी!, कई लोगों ने कहा- अभी तक कलाकार सूची में नाम नहीं
नीमच में कांग्रेस का भ्रष्टाचार के खिलाफ प्रदर्शन:महंगाई, जनविरोधी नीतियों पर राज्यपाल से की कार्रवाई की मांग

नीमच जिले के मनासा में बुधवार को जिला कांग्रेस कमेटी ने केंद्र और प्रदेश सरकार की नीतियों, बढ़ती महंगाई और स्थानीय प्रशासन की अनदेखी के खिलाफ विशाल धरना प्रदर्शन किया। जनपद पंचायत कार्यालय के बाहर आयोजित इस प्रदर्शन के बाद कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपा। नेताओं ने सरकार पर साधा निशाना सभा को संबोधित करते हुए जिला कांग्रेस अध्यक्ष तरुण बाहेती ने कहा कि वर्तमान समय में किसान, मजदूर और मध्यमवर्गीय परिवार परेशान हैं। उन्होंने खिमला स्थित ग्रीनको प्लांट की व्यवस्थाओं पर सवाल उठाते हुए वहां हुई संदिग्ध घटनाओं की निष्पक्ष जांच और पीड़ित परिवारों को मुआवजा देने की मांग की। महंगाई और बिजली बिलों को लेकर नाराजगी बाहेती ने बिजली बिलों में वृद्धि, रसोई गैस की कमी और पेट्रोल-डीजल के बढ़ते दामों को आम लोगों के लिए बड़ी समस्या बताया। उन्होंने स्थानीय प्रशासन पर अवैध कॉलोनियों को संरक्षण देने और विकास शुल्क में गड़बड़ी के आरोप भी लगाए। साथ ही, ओलावृष्टि से हुए नुकसान का मुआवजा देने और सहकारी सोसायटियों में ऋण जमा करने की समय सीमा बढ़ाने की मांग भी की गई। अन्य नेताओं ने भी उठाए मुद्दे प्रदर्शन के दौरान पूर्व जिलाध्यक्ष अनिल चौरसिया ने ऊर्जा संकट के लिए केंद्र सरकार को जिम्मेदार ठहराया। प्रदेश सचिव सोमिल नाहटा ने प्रदेश में बढ़ते कर्ज को लेकर चिंता जताई। वहीं, वरिष्ठ नेता मंगेश संघई और ब्लॉक अध्यक्ष श्याम सुरेंद्र सोनी ने किसानों की समस्याओं और नगर की मूलभूत सुविधाओं को लेकर प्रशासन की आलोचना की। रैली निकालकर सौंपा ज्ञापन सभा के बाद कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने आक्रोश रैली निकाली। नारेबाजी करते हुए कार्यकर्ता एसडीएम कार्यालय पहुंचे और राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपा। इस दौरान बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी, किसान और स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।
Bina MLA Nirmala Spray Congress Status

नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने हाईकोर्ट में निर्मला सप्रे की विधानसभा सदस्यता खत्म करने की याचिका लगाई है। सागर जिले की बीना सीट से विधायक निर्मला सप्रे के खिलाफ हाईकोर्ट में दायर याचिका पर मंगलवार को सुनवाई हुई। इस दौरान सप्रे ने कहा- मैं अब भी कांग्रेस में हूं। इस बयान को कोर्ट ने रिकॉर्ड में लिया है। याचिकाकर्ता नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार को सप्रे के ब . इस पर सिंघार ने जवाब दिया है कि वे 9 अप्रैल तक पार्टी व्हिप की प्रतियां पेश करेंगे। मामले की अगली सुनवाई 20 अप्रैल को होगी। इसी दिन विधानसभा अध्यक्ष के सामने भी सुनवाई तय है। दरअसल, 2023 में बीना सीट से निर्मला सप्रे ने कांग्रेस की टिकट पर विधानसभा चुनाव जीता था। 5 मई 2024 को लोकसभा चुनाव प्रचार के दौरान वे सीएम मोहन यादव के साथ बीजेपी के कार्यक्रम में शामिल हुई थीं। इसके बाद उनके बीजेपी में शामिल होने के दावे किए गए थे। 5 जुलाई 2024 को नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने सप्रे की विधानसभा सदस्यता समाप्त करने के लिए स्पीकर के समक्ष याचिका लगाई। इसमें कहा कि संविधान की 10वीं अनुसूची के तहत पार्टी बदलने पर विधायक की सदस्यता खुद-ब-खुद समाप्त हो जाती है। जब इस पर कोई निर्णय नहीं लिया गया तो सिंघार ने नवंबर 2024 में हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी। विधायक सप्रे लोकसभा चुनाव प्रचार के दौरान 5 मई 2024 को राहतगढ़ में सीएम डॉ. मोहन यादव के कार्यक्रम में मंच पर पहुंची थीं। तब से वे कांग्रेस से दूरी बनाते हुए भाजपा के साथ हैं। सप्रे के भाजपा में शामिल होने के सबूत सोशल मीडिया पर मंगलवार को चीफ जस्टिस संजीव सचदेवा और जस्टिस विनय सराफ की डिवीजन बेंच ने सुनवाई की। इसमें निर्मला सप्रे के वकील संजय अग्रवाल ने उनके कांग्रेस में ही होने का दावा किया। कहा कि ऐसे में सप्रे की विधानसभा सदस्यता को समाप्त करने का सवाल ही नहीं उठता। वहीं, शासन की तरफ से महाधिवक्ता प्रशांत सिंह ने कोर्ट को बताया कि स्पीकर के सामने मामले की सुनवाई जारी है। उनके बयान भी दर्ज किए जा चुके हैं। इसके बाद उमंग सिंघार के अधिवक्ता विभोर खंडेलवाल ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए कहा कि वे 9 अप्रैल तक पार्टी व्हिप की प्रतियां पेश कर देंगे। सप्रे के भाजपा में शामिल होने के सबूत सोशल मीडिया पर मौजूद हैं। सीएम मोहन यादव के साथ भी उनकी कई तस्वीरें और पोस्ट वायरल हैं। सोशल मीडिया के आधार पर स्थिति तय नहीं हो सकती सिंघार की तरफ से दी गई दलील पर कोर्ट ने कहा- सोशल मीडिया पर किए गए पोस्ट के आधार पर संबंधित व्यक्ति की स्थिति तय नहीं हो सकती है। याचिकाकर्ता, स्पीकर के समक्ष ठोस और प्रमाणिक साक्ष्य प्रस्तुत करें, जिससे यह साबित हो सके कि निर्मला सप्रे ने वास्तव में दल-बदल किया है। ये खबर भी पढ़ें… MLA निर्मला बोलीं-विधायक पद का मोह होता, तो मंत्री होतीं बीना सीट से कांग्रेस के टिकट पर विधायक बनीं निर्मला सप्रे की विधानसभा सदस्यता का मामला हाईकोर्ट में है। उन्होंने कहा- कोई पार्टी हमें सिम्बल देती है, लेकिन विधायक जनता बनाती है। अगर मोह होता तो आज मैं मंत्री होती। बीजेपी को किसी विधायक की आवश्यकता नहीं है और ना ही मेरे विधायक न होने से उनकी सरकार गिर जाती। पढ़ें पूरी खबर…
UPSSSC Lower PCS Notification 2026

11 मिनट पहले कॉपी लिंक आज की सरकारी नौकरी में जानकारी UPSSSC लोअर PCS का नोटिफिकेशन जारी होने की, पंजाब एंड सिंध बैंक में 1000 भर्ती की। साथ ही पटना हाई कोर्ट में 53 वैकेंसी की। इन जॉब्स के बारे में पूरी जानकारी के साथ आवेदन की प्रक्रिया यहां देखिए… 1. UPSSSC लोअर PCS का नोटिफिकेशन जारी उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (UPSSSC) ने सम्मिलित अवर अधीनस्थ सेवा मुख्य परीक्षा 2026 के लिए नोटिफिकेशन जारी किया है। इस भर्ती प्रक्रिया के माध्यम से राज्य के विभिन्न विभागों में कुल 2285 पद भरे जाएंगे। उम्मीदवार 25 जून तक आवेदन में करेक्शन कर सकेंगे। उम्मीदवारों को आवेदन ऑफिशियल वेबसाइट upsssc.gov.in पर जाकर करना होगा। वैकेंसी डिटेल्स : पद का नाम पदों की संख्या मंडी सुपरवाइजर 46 अमीन 323 असिस्टेंट मैनेजर (नॉन टेक्निकल) 134 क्लर्क कम टाइपिस्ट, कैशियर कम क्लर्क, अकाउंट्स क्लर्क 229 असिस्टेंट ट्रेजरी अकाउंटेंट 548 ऑडिटर 419 सेंटर इन चार्ज 92 एग्जीक्यूटिव ऑफिसर 238 असिस्टेंट चकबंदी ऑफिसर 168 असिस्टेंट मैनेजर (नॉन टेक्निकल) स्पेशल 3 डिस्ट्रिक्ट असिस्टेंट इम्युनाइजेशन ऑफिसर 85 कुल पदों की संख्या 2285 एजुकेशनल क्वालिफिकेशन : ग्रेजुएशन की डिग्री। यूपी पीईटी 2025 प्रीलिम्स एग्जाम पास करना जरूरी है। एज लिमिट : न्यूनतम : 18 साल अधिकतम : 40 साल अधिकतम उम्र में यूपी सरकार के नियमों के अनुसार छूट दी जाएगी। फीस : सभी कैटेगरी के लिए : 25 रुपए सैलरी : लेवल – 4 से लेवल – 7 के अनुसार सिलेक्शन प्रोसेस : प्रीलिम्स एग्जाम मेन्स एग्जाम डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन इंटरव्यू फाइनल मेरिट लिस्ट UPSSSC लोअर PCS प्रीलिम्स एग्जाम पैटर्न : निगेटिव मार्किंग : 0. 25 मार्क्स सब्जेक्ट क्वेश्चन मार्क्स जनरल इंटेलिजेंसी 25 50 जनरल नॉलेज 50 100 जनरल साइंस एंड अर्थमेटिक 50 100 जनरल हिंदी 25 50 टोटल 150 300 UPSSSC लोअर PCS : मेन्स एग्जाम पैटर्न : पेपर सब्जेक्ट मार्क्स पेपर – 1 जनरल नॉलेज के साथ रीजनिंग पेपर – 2 साइंस, मैथ्स, हिंदी टोटल 400 सिलेबस : प्रीलिम्स एग्जाम सिलेबस : रीजनिंग साइंस मैथमेटिक्स हिंदी मेन्स एग्जाम सिलेबस : एडवांस्ट जनरल नॉलेज एंड करेंट अफेयर्स लॉजिकल एंड एनालिटकल रीजनिंग साइंस एंड न्यूमेरिल एबिलिटी हिंदी लैंग्वेज स्किल्स ऐसे करें आवेदन : ऑफिशियल वेबसाइट upsssc.gov.in पर जाएं। होमपेज पर “Live Advertisement” सेक्शन में संबंधित विज्ञापन पर क्लिक करें। PET-2025 रजिस्ट्रेशन नंबर से लॉगिन करें। आवेदन फॉर्म में जरूरी जानकारी भरें। इच्छित पद का चयन करें। फोटो और हस्ताक्षर अपलोड करें। आवेदन शुल्क का भुगतान करें, जो 25 रुपये है। फॉर्म सबमिट कर प्रिंटआउट सुरक्षित रखें। ऑफिशियल वेबसाइट लिंक 2. पंजाब एंड सिंध बैंक में 1000 भर्ती पंजाब एंड सिंध बैंक में लोकल बैंक ऑफिसर के पदों पर भर्ती निकली है। उम्मीदवार ऑफिशियल वेबसाइट punjabandsindbank.co.in पर जाकर अप्लाई कर सकते हैं। स्टेट वाइज वैकेंसी डिटेल्स : पद का नाम पदों की संख्या उत्तर प्रदेश 200 गुजरात 125 पंजाब 100 छत्तीसगढ़ 80 ओडिशा 80 तमिलनाडु 65 कर्नाटक 60 मध्य प्रदेश 60 महाराष्ट्र 60 असम 50 तेलंगाना 30 पश्चिम बंगाल 30 हिमाचल प्रदेश 20 अरुणाचल प्रदेश 15 झारखंड 10 केरल 10 नागालैंड 5 कुल पदों की संख्या 1000 एजुकेशनल क्वालिफिकेशन : ग्रेजुएशन की डिग्री अनुसूचित वाणिज्यिक बैंक या क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक में अधिकारी के रूप में कम से कम 18 महीने का अनुभव। संबंधित स्टेट की स्थानीय भाषा में एक्सपर्ट होना चाहिए। एज लिमिट : न्यूनतम : 20 साल अधिकतम : 30 साल एससी, एसटी : 5 साल की छूट ओबीसी : 3 साल की छूट फीस : एससी, एसटी, पीडब्ल्यूडी : 100 रुपए + जीएसटी सामान्य, ईडब्ल्यूएस, ओबीसी : 850 रुपए + जीएसटी सिलेक्शन प्रोसेस : ऑनलाइन एग्जाम स्क्रीनिंग पर्सनल इंटरव्यू फाइनल मेरिट लिस्ट लोकल लैंग्वेज में एक्सपर्ट सैलरी : 48,480 – 85,920 रुपए प्रतिमाह अन्य अलाउंस का लाभ भी मिलेगा। क्वालिफाइंग मार्क्स : सामान्य, ईडब्ल्यूएस : 40% अन्य कैटेगरी : 35% जरूरी डॉक्यूमेंट्स : ग्रेजुएशन की मार्कशीट उम्मीदवार का आधार कार्ड जाति प्रमाण पत्र मूल निवास प्रमाण पत्र मोबाइल नंबर, ईमेल आईडी पासपोर्ट साइज फोटो पर सिग्नेचर एग्जाम पैटर्न : सब्जेक्ट क्वेश्चन मार्क्स ड्यूरेशन इंग्लिश लैंग्वेज 30 30 30 मिनट बैंकिंग नॉलेज 40 40 40 मिनट जनरल नॉलेज एंड इकोनॉमी 30 30 30 मिनट कंप्यूटर इंटेलिजेंसी 20 20 20 मिनट टोटल 120 120 120 मिनट ऐसे करें आवेदन : ऑफिशियल वेबसाइट punjabandsindbank.co.in पर जाएं। अप्लाई ऑनलाइन पर क्लिक करें। मांगी गई डिटेल्स दर्ज करें। जरूरी डॉक्यूमेंट्स अपलोड करें। फीस जमा करके फॉर्म सब्मिट कर दें। इसका प्रिंट आउट लेकर रखें। ऑनलाइन आवेदन लिंक ऑफिशियल वेबसाइट लिंक ऑफिशियल नोटिफिकेशन लिंक 3. पटना हाईकोर्ट में 53 वैकेंसी, एज लिमिट 37 साल पटना हाईकोर्ट की ओर से टेक्निकल असिस्टेंट ग्रुप-C के पदों पर आवेदन प्रक्रिया कल यानी 1 अप्रैल, 2026 से शुरू कर दी जाएगी। फीस जमा करने की आखिरी तारीख 2 मई, 2026 तय की गई है। कैटेगरी वाइज वैकेंसी डिटेल्स : कैटेगरी का नाम पदों की संख्या सामान्य 24 एससी 8 एसटी 1 ईबीसी 9 बीसी 6 ईडब्ल्यूएस 5 एजुकेशनल क्वालिफिकेशन : मान्यता प्राप्त संस्थान से कंप्यूटर साइंस, इंजीनियरिंग, इलेक्ट्रॉनिक और कम्युनिकेशन विषय में आईटीआई या डिप्लोमा एज लिमिट : न्यूनतम : 18 साल अधिकतम : 37 साल रिजर्व कैटेगरी के उम्मीदवारों को अधिकतम उम्र में छूट दी जाएगी। सैलरी : 29,200 – 92,300 रुपए प्रतिमाह सिलेक्शन प्रोसेस : रिटन एग्जाम ट्रेड टेस्ट स्किल टेस्ट इंटरव्यू फीस : अनारक्षित : 1100 रु एससी, एसटी : 550 रुपए ऐसे करें आवेदन : ऑफिशियल वेबसाइट patnahighcourt.gov.in पर जाएं। Patna High Court Recruitment 2026 लिंक पर क्लिक करें। “रजिस्टर्ड” पर क्लिक करें। रजिस्ट्रेशन पूरा करके लॉग इन करें। फॉर्म सब्मिट करें। इसका एक प्रिंट आउट लेकर रखें। ऑफिशियल वेबसाइट लिंक ऑफिशियल नोटिफिकेशन लिंक 4. इलाहाबाद हाईकोर्ट में 195 पदों पर भर्ती, लास्ट डेट 1 अप्रैल इलाहाबाद हाईकोर्ट में 195 पदों पर भर्ती निकली है। इस भर्ती के लिए आवेदन की आखिरी तारीख 1 अप्रैल तय की गई है। उम्मीदवार ऑफिशियल वेबसाइट allahabadhighcourt.in पर जाकर अप्लाई कर सकते हैं। फीस जमा करने की आखिरी तारीख 2 अप्रैल है। वैकेंसी डिटेल्स : पद का नाम पदों की संख्या प्राइवेट सेक्रेटरी ग्रेड-I (UR) 80 प्राइवेट सेक्रेटरी ग्रेड-I (OBC) 52 प्राइवेट सेक्रेटरी ग्रेड-I (SC) 41 प्राइवेट सेक्रेटरी ग्रेड-I (EWS) 19 प्राइवेट सेक्रेटरी ग्रेड-I (ST) 03 कुल पदों की संख्या 195 एजुकेशनल क्वालिफिकेशन : मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से ग्रेजुएशन की डिग्री। साथ में न्यूनतम 100 शब्द प्रति
हर रोज बढ़ रहा गर्मी का सितम, ऐसे रखें अपने साथ-साथ परिवार का ख्याल, एक्सपर्ट के टिप्स

Last Updated:March 31, 2026, 19:58 IST Summer Health Tips: डॉ अक्षय श्रीवास्तव ने लोकल 18 से कहा कि गर्मी के मौसम में आपको चार बातों का खासतौर पर ध्यान रखना है. आप साफ पानी पीएं, ताजा खाना खाएं, बाहर खुले में रखा हुआ भोजन खाने से बचें और तबीयत खराब होने पर डॉक्टर से जरूर सलाह लें. रीवा. अप्रैल की शुरुआत से पहले मौसम में तेजी से बदलाव देखा जा रहा है. किसी दिन तेज धूप तो किसी दिन हल्की बारिश से मौसम ठंडा महसूस हो रहा है. ऐसे में बदलते मौसम का असर सेहत पर सबसे ज्यादा पड़ता है. शरीर को मौसम के हिसाब से खुद को ढालने में समय लगता है. यह मौसम उन लोगों के लिए ज्यादा नुकसानदायक है, जिनकी इम्युनिटी कमजोर है. मध्य प्रदेश के रीवा शहर के सरकारी और निजी अस्पतालों में पिछले एक सप्ताह से उल्टी-दस्त से पीड़ित बच्चे आ रहे हैं. गर्मी के मौसम में सबसे ज्यादा बच्चे बीमारियों की चपेट में आ जाते हैं. ऐसे में पैरेंट्स को एक्सपर्ट की ओर से बताई गईं कुछ बातों का ध्यान रखना चाहिए. यदि आप ये सावधानियां बरतते हैं, तो आपके बच्चे भी बीमारियों को लड़ सकेंगे और आप सेहतमंद रहकर उनका ख्याल रख सकेंगे. बच्चों को गर्मी में खेलने के लिए बाहर धूप में बिल्कुल न भेजें. उन्हें हाथ धोकर खाना खाने को कहें. सुबह शाम ORS का घोल पिलाएं. खुद भी दोपहर 12 बजे से चार बजे के बीच बाहर निकलने से बचें. पानीयुक्त फलों का सेवन करें. दोपहर के समय घर के खिड़की और दरवाजे बंद रखें. चार बातों का जरूर रखें ध्यानगर्मी के मौसम में होने वाली बीमारियों को लेकर महामारी एक्सपर्ट एवं सुपर स्पेशिलटी हॉस्पिटल के अधीक्षक डॉ अक्षय श्रीवास्तव ने लोकल 18 को बताया कि गर्मी के दिनों में आपको चार बातों का विशेष रूप से ध्यान रखना है. आप घर में स्वच्छ पानी पीएं, ताजा खाना खाएं, बाहर खुले में रखा हुआ खाना खाने से बचें और तबीयत खराब होने पर डॉक्टर से सलाह लें. यदि आप इन चार बातों का ध्यान रखते हैं, तो बीमारी आपके आसपास भी नहीं फटकेगी. इसके अलावा घर से निकलते समय अपने बैग में पानी की बोतल जरूर रखें. गर्मियों में अक्सर पानी की कमी महसूस होती है. पानी की कमी की वजह से डिहाइड्रेशन की समस्या हो सकती है. ऐसे में बिना पानी की बोतल के घर से बाहर न निकलें. विटामिन सी युक्त फलों का सेवनउन्होंने आगे कहा कि अपनी डाइट में विटामिन सी युक्त फ्रूट्स को शामिल करें. इसमें एंटी-ऑक्सीडेट्स की भरपूर मात्रा होती है. ये फल शरीर के पाचन तंत्र को बेहतर करते हैं, साथ ही इन्युनिटी को मजबूत करने का काम करते हैं. गर्मी में शरीर को हाइड्रेट रखने के लिए इलेक्ट्रलाइट्स वाली ड्रिंक्स का इस्तेमाल करें. ये ड्रिंक्स शरीर में पानी की कमी नहीं होने देते और इलेक्ट्रोलाइट्स को भी बैलेंस करने में मदद करते हैं. जर्म प्रोटेक्शन वाइप्स का इस्तेमालगर्मी के मौसम में लोगों को ज्यादा पसीना आता है. इस पसीने को पोंछने के लिए जर्म प्रोटेक्शन वाइप्स का इस्तेमाल करें. ये वाइप्स कीटाणुओं का मारने का काम करते हैं. साथ ही त्वचा के हिसाब से पीएच बैलेंस को मेंटेन करते हैं. About the Author Rahul Singh राहुल सिंह पिछले 10 साल से खबरों की दुनिया में सक्रिय हैं. टीवी से लेकर डिजिटल मीडिया तक के सफर में कई संस्थानों के साथ काम किया है. पिछले चार साल से नेटवर्क 18 समूह में जुड़े हुए हैं. Location : Rewa,Madhya Pradesh First Published : March 31, 2026, 19:58 IST
चीन- खाली फ्लैट खरीद परिजनों की अस्थियां रखने पर बैन:कब्रिस्तान महंगा होने पर लोग प्रोपर्टी खरीद रहे थे, उसमें अस्थियां रखते थे

चीन की सरकार एक नया कानून लाने जा रही है, जिसके तहत लोग अपने परिजनों की राख को खाली अपार्टमेंट में नहीं रख पाएंगे। इसे ‘बोन ऐश अपार्टमेंट’ कानून कहा जा रहा है। इसके साथ ही सार्वजनिक कब्रिस्तानों के अलावा कहीं और शव दफनाने या मकबरे बनाने पर भी रोक होगी बीबीसी की रिपोर्ट के मुताबिक चीन में कब्रिस्तान लगातार महंगा होता जा रहा है। ऐसे में ‘गुहुई फांग’ यानी ऐसे फ्लैट्स का चलन बढ़ गया है, जहां लोग अपने परिजनों की अस्थियां रखते हैं। तेजी से शहरीकरण और बुजुर्ग आबादी बढ़ने के कारण शहरों में कब्रिस्तान की जमीन कम होती जा रही है और उनकी कीमत बहुत ज्यादा बढ़ गई है। प्रॉपर्टी खरीदना, कब्रिस्तान खरीदने से सस्ता चीन में हाल के वर्षों में घरों की कीमतें काफी गिरी हैं और 2021 के मुकाबले 2025 तक करीब 40% तक कम हो गई हैं। लोग इसक फायदा उठा रहे हैं। खाली फ्लैट खरीदकर उसमें राख रखना, महंगे कब्रिस्तान या अंतिम संस्कार के खर्च से सस्ता पड़ता है। इन खाली फ्लैट्स को लोग एक तरह से पूजा स्थल में बदल देते हैं, जहां मोमबत्तियां, लाल रोशनी और अलग-अलग पीढ़ियों की अस्थियां सजा कर रखी जाती हैं। चीनी मीडिया के मुताबिक, ऐसे फ्लैट्स की पहचान अक्सर बंद परदों या पूरी तरह सील की गई खिड़कियों से होती है। एक रिपोर्ट के मुताबिक, अंतिम संस्कार का खर्च जापान के बाद चीन में दुनिया में दूसरा सबसे ज्यादा है। चीन में कब्रिस्तान की जगह आमतौर पर सिर्फ 20 साल की लीज पर मिलती है, जबकि घरों के लिए 70 साल के इस्तेमाल का अधिकार मिलता है। इसी वजह से कई लोग अब कब्रिस्तान की बजाय फ्लैट को ज्यादा बेहतर विकल्प मानने लगे हैं। हालांकि अंतिम संस्कार के लिए फ्लैट खरीदने से शहरों में हाउसिंग व्यवस्था गड़बड़ा रही है। इससे बाजार का संतुलन बिगड़ने का खतरा भी है। सरकार नहीं चाहती कि घरों का इस तरह से इस्तेमाल किया जाए। शव दफनाने की कीमत- 20 से 40 लाख रुपए नया कानून 31 मार्च से लागू हो गया है। यह 6 अप्रैल को होने वाले छिंगमिंग त्योहार से ठीक पहले है। इस त्योहार में लोग अपने पूर्वजों की कब्रों की सफाई करते हैं और उन्हें श्रद्धांजलि देते हैं। राजधानी बीजिंग में एक सामान्य कब्र की कीमत करीब 1.5 लाख युआन (लगभग 20 लाख रुपए) से शुरू होकर 3 लाख युआन (करीब 40 लाख रुपए) तक जाती है। यह बीजिंग के हिसाब से भी काफी महंगा है। वहीं, बीजिंग के चांगपिंग तियानशो कब्रिस्तान में दफनाने की कीमत करीब 10,000 युआन से 2 लाख युआन (1.3 लाख से 26 लाख रुपए) तक है। इसे दफन का इको फ्रेंडली विकल्प माना जाता है। इसमें जमीन कम घेरने वाले तरीके अपनाए जाते हैं। जैसे बिना बड़े कब्रिस्तान प्लॉट के दफन, पेड़ों के पास या सामूहिक जगहों पर दफनाना। इसमें महंगे पत्थर, बड़ी जगह या स्थायी स्मारक नहीं होते, इसलिए यह सस्ता पड़ता है। सोशल मीडिया पर नए कानून को लेकर सवाल सोशल मीडिया पर लोग इस कानून को लेकर सवाल उठा रहे हैं। चीन में सोशल मीडिया वीबो पर इससे जुड़ा हैशटैग 70 लाख से ज्यादा बार देखा जा चुका है। एक व्यक्ति ने वीबो पर लिखा, “अगर कब्रिस्तान सस्ते होते, तो कोई ऐसा क्यों करता?” एक यूजर ने लिखा, “कौन जाकर चेक करेगा? क्या हर अस्थि कलश में GPS लगाया जाएगा?” वहीं दूसरे ने कहा, “छूट मिलने के बाद भी कब्रिस्तान की जगह बहुत महंगी है।” एक अन्य यूजर ने कहा, “इन नियमों को लागू करने वाले कैसे पता लगाएंगे कि फ्लैट में सिर्फ राख रखी गई है? और ऐसे मामलों से कैसे निपटेंगे?” चीन में तेजी से बढ़ रही बुजुर्ग आबादी चीन में तेजी से बुजुर्ग आबादी बढ़ रही है, जिसका सीधा असर मौतों की संख्या पर दिख रहा है। 2025 में करीब 1.13 करोड़ लोगों की मौत हुई, जबकि 2015 में यह संख्या करीब 98 लाख थी। यानी 10 साल में मौतों का आंकड़ा काफी बढ़ गया है। वहीं दूसरी तरफ जन्म दर लगातार गिर रही है। 2025 में सिर्फ करीब 79 लाख बच्चों का जन्म हुआ। इसका मतलब है कि देश में मरने वालों की संख्या, जन्म लेने वालों से काफी ज्यादा हो गई है। इससे आबादी तेजी से बूढ़ी हो रही है। इस स्थिति का एक बड़ा असर जमीन पर भी पड़ रहा है। शहरों में कब्रिस्तान के लिए जगह कम होती जा रही है, खासकर शंघाई जैसे बड़े और घनी आबादी वाले शहरों में। जमीन महंगी भी है और सीमित भी। इसी वजह से सरकार और स्थानीय प्रशासन “इकोलॉजिकल बुरियल” यानी पर्यावरण के अनुकूल अंतिम संस्कार के तरीकों को बढ़ावा दे रहे हैं। इसमें ऐसे तरीके शामिल हैं जिनमें कम जमीन लगती है या जमीन की जरूरत ही नहीं पड़ती। जैसे- शंघाई में समुद्र में अस्थि विसर्जन तेजी से बढ़ रहा है। 2025 में पहली बार ऐसे मामलों की संख्या 10 हजार से ज्यादा पहुंच गई। यह दिखाता है कि लोग अब पारंपरिक कब्र की बजाय सस्ते और कम जगह वाले विकल्प अपना रहे हैं।
ICU से डिस्चार्ज हुए मरीज घर बैठे ले सकेंगे डॉक्टर की सलाह, दिल्ली के इस अस्पताल ने शुरू किया क्लिनिक

Last Updated:March 31, 2026, 19:55 IST दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल ने आईसीयू से डिस्चार्ज मरीजों के लिए ई संजीवनी ओपीडी पर क्रिटिकल केयर फॉलो अप क्लिनिक शुरू किया है. इस पोर्टल पर घर बैठे मरीज हफ्ते में दो दिन ऑनलाइन डॉक्टरों से सलाह ले सकेंगे. दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल ने आईसीयू डिस्चार्ज मरीजों के लिए शुरू की सुविधा. दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल ने क्रिटिकल केयर वाले मरीजों के लिए एक अनोखी पहल शुरू की है. इसके साथ ही यह भारत का पहला सरकारी अस्पताल बन गया है जो आईसीयू से डिस्चार्ज हुए मरीजों के लिए ऐसी सुविधा देने जा रहा है. दरअसल सफदरजंग अस्पताल ने आईसीयू से डिस्चार्ज हुए मरीजों के लिए एक खास ‘क्रिटिकल केयर फॉलो-अप क्लिनिक’ शुरू किया है. यह भारत की सरकारी स्वास्थ्य सेवा प्रणाली में अपनी तरह का पहला क्लिनिक है. अस्पताल की ओर से दी गई जानकारी में बताया गया कि यह सेवा सरकार के ‘ई-संजीवनी OPD टेलीमेडिसिन पोर्टल’ के जरिए मरीजों तक पहुंचेगी. इस पोर्टल के माध्यम से मरीज और उनके परिजन घर बैठे ही क्रिटिकल केयर विशेषज्ञों से सलाह ले सकेंगे और उन्हें अस्पताल में आने के लिए भागदौड़ नहीं करनी होगी. यह क्लिनिक हर मंगलवार और गुरुवार को सुबह 10 बजे से 11 बजे तक चलेगा. इसका मकसद भारत में ICU के बाद की देखभाल में मौजूद एक बड़ी कमी को दूर करना है. सीसीएम विभाग के एचओडी डॉ. अनिर्बान होम चौधरी ने बताया कि ICU से ठीक होकर लौटे कई मरीजों को डिस्चार्ज के बाद भी शारीरिक कमजोरी, सोचने-समझने की क्षमता में कमी या दूसरी तरह की परेशानियां होती रहती हैं, लेकिन उनके लिए व्यवस्थित फॉलो-अप सेवाएं बहुत कम उपलब्ध हैं. वहीं अगर उपलब्ध भी हैं तो उन्हें इसके लिए अस्पताल का चक्कर काटना पड़ता है लेकिन इस सुविधा से अब वे घर बैठे डॉक्टरों की सलाह ले सकेंगे. इस पहल का उद्घाटन हाल ही में सफदरजंग अस्पताल के डायरेक्टर डॉ. संदीप बंसल ने किया. इस मौके पर मेडिकल सुपरिटेंडेंट डॉ. चारू बाम्बा भी मौजूद रहीं और सभी एएमएस और सीसीएम टीम के सदस्य भी शामिल हुए. About the Author प्रिया गौतमSenior Correspondent Priya Gautam is an accomplished journalist currently working with Hindi.News18.com with over 14 years of extensive field reporting experience. Previously worked with Hindustan times group (Hindustan Hindi) and …और पढ़ें First Published : March 31, 2026, 19:55 IST
घाव हो या दाद…पीली हरताल कई रोगों में संजीवनी, आयुर्वेदिक डॉक्टर से जानें तरीका

Last Updated:March 31, 2026, 19:25 IST Yellow Harsal Benefits : हर पीली चीज सोना नहीं होती, लेकिन ये चीज सोना न होकर भी सेहत के लिए सोने से कम नहीं है. लोकल 18 से बागपत के आयुर्वेदिक चिकित्सा डॉ. राघवेंद्र चौधरी बताते हैं कि पीली हरताल एक चमत्कारी आयुर्वेदिक औषधि है. इसकी मदद से त्वचा रोगों में भी तेजी से आराम मिलता है. इसका इस्तेमाल दाद, खाज और खुजली में कर सकते हैं. डॉ. राघवेंद्र चौधरी बताते हैं कि पीली हरताल से आप शरीर पर अनचाहे बाल भी हटा सकते हैं. बागपत. पीली हरताल एक चमत्कारी आयुर्वेदिक औषधि है, जो शरीर पर चौंकाने वाले फायदे करती है. इसका इस्तेमाल करने से स्किन संबंधित समस्याओं में तेजी से आराम मिलता है. ये घाव को भरने में भी काफी मददगार है. बागपत के आयुर्वेदिक चिकित्सा डॉ. राघवेंद्र चौधरी लोकल 18 से बताते हैं कि पीली हरताल एक चमत्कारी औषधि है, जो आसानी से बाजार में उपलब्ध है. इसका इस्तेमाल मौसम बदलने के साथ होने वाली बीमारियों में करने से तेजी से लाभ मिलता है. पीली हरताल से फेफड़ों में होने वाले इन्फेक्शन से राहत मिलती है. सुनरहे रंग का उपरस हरताल एक प्राकृतिक खनिज है, जिसका उपयोग मुख्य रूप से आयुर्वेद में त्वचा रोगों के उपचार और औषधियों में किया जाता है. यह सुनहरे-पीले रंग का एक उपरस है, जो चर्म रोगों, फोड़े-फुंसी, और त्वचा की एलर्जी के इलाज में विशेष रूप से प्रभावी है. यह एक विषाक्त खनिज पदार्थ है, जिसे शोधन (शुद्धिकरण) के बाद ही उपयोग में लाया जाता है. त्वचा रोगों में भी तेजी से आराम मिलता है. इसका इस्तेमाल दाद, खाज और खुजली भागने में कर सकते हैं. इसके इस्तेमाल से स्किन चमकदार बनती है. स्किन इन्फेक्शन ठीक होता है. डॉ. राघवेंद्र चौधरी बताते हैं कि पीली हरताल से आप शरीर पर अनचाहे बाल भी हटा सकते हैं. पीली हरताल का इस्तेमाल आप चूर्ण के रूप में देसी घी और दूध के साथ मिश्रण बनाकर कर सकते हैं. इसका इस्तेमाल आप नीम के तेल में मिलाकर त्वचा के बाहरी हिस्से पर भी कर सकते हैं. हालांकि इसका इस्तेमाल जब भी करें पहले डॉक्टर से परामर्श जरूर कर लें. इसका कोई खास नुकसान नहीं होता, लेकिन चिकित्सक की सलाह जरूरी है. About the Author Priyanshu Gupta Priyanshu has more than 10 years of experience in journalism. Before News 18 (Network 18 Group), he had worked with Rajsthan Patrika and Amar Ujala. He has Studied Journalism from Indian Institute of Mass Commu…और पढ़ें Location : Baghpat,Uttar Pradesh First Published : March 31, 2026, 19:25 IST








