सामने महिलाएं, मस्जिद की घोषणाएं और खराब सीसीटीवी कैमरे: एनआईए ने मालदा की साजिश रची | विशेष | चुनाव समाचार

आखरी अपडेट:07 अप्रैल, 2026, 09:48 IST रिपोर्ट में दिन के दौरान लक्षित बाधा का विवरण दिया गया है, जिसमें सड़क अवरोधों के कारण एक महिला न्यायिक अधिकारी को लगभग आठ घंटे तक गैरकानूनी तरीके से रोका जाना भी शामिल है। एजेंसी ने बताया कि स्थिति स्वतःस्फूर्त अशांति से भी आगे बढ़ गई है। राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने सोमवार को सुप्रीम कोर्ट को बताया कि मालदा न्यायिक घेराव को “समन्वित वृद्धि” द्वारा चिह्नित किया गया था, जिसमें बताया गया था कि कैसे विरोध प्रदर्शन न्यायिक अधिकारियों पर लक्षित हमले में बदल गया। ये दलीलें तब आईं जब शीर्ष अदालत ने घटना के दौरान हुई चूक को लेकर पश्चिम बंगाल के शीर्ष नौकरशाह की खिंचाई की। 72 घंटे की जांच के आधार पर और अदालत में पेश की गई अपनी प्रारंभिक स्थिति रिपोर्ट में, एनआईए ने बताया कि 1 अप्रैल को कालियाचक-द्वितीय में हिंसा कैसे हुई। एजेंसी के अनुसार, सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में किए जा रहे मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के खिलाफ विरोध प्रदर्शन के बाद, लगभग 1,500 लोगों की भीड़ ने सात न्यायिक अधिकारियों को 13 घंटे से अधिक समय तक बीडीओ कार्यालय के अंदर कैद रखा। एजेंसी ने बताया कि स्थिति स्वतःस्फूर्त अशांति से भी आगे बढ़ गई है। इसने भीड़ इकट्ठा करने के लिए ई-रिक्शा और एक स्थानीय मस्जिद से की गई घोषणाओं के साथ संगठित लामबंदी की ओर इशारा किया। इसने सांकेतिक पैटर्न का भी उल्लेख किया, जैसे कि महिलाओं को आगे रखा गया जबकि पुरुष पीछे रहे, योजना के तत्वों का सुझाव दिया गया, यहां तक कि एक बड़ी साजिश की जांच की जा रही है। रिपोर्ट में दिन के दौरान लक्षित बाधा का विवरण दिया गया है, जिसमें सड़क अवरोधों के कारण एक महिला न्यायिक अधिकारी को लगभग आठ घंटे तक गैरकानूनी तरीके से रोका जाना भी शामिल है। अदालत के समक्ष रखे गए एनआईए के विवरण के अनुसार, निकासी चरण के दौरान हिंसा और बढ़ गई। आधी रात के आसपास पुलिस और केंद्रीय बलों द्वारा न्यायिक अधिकारियों को बाहर ले जाने के बाद, काफिले पर कई स्थानों पर समन्वित पथराव हुआ। ऐसे ही एक हमले में, एक एस्कॉर्ट वाहन पलट गया, जिसके ड्राइवर को ईंट से सिर में गंभीर चोट लगी। सुरक्षा चूक भी एजेंसी के निष्कर्षों का एक प्रमुख हिस्सा थी। बीडीओ कार्यालय में स्थापित 16 सीसीटीवी कैमरों में से नौ गैर-कार्यात्मक थे, जिनमें मुख्य प्रवेश द्वार को कवर करने वाले महत्वपूर्ण कैमरे भी शामिल थे। जबकि एनआईए की प्रस्तुतियाँ सुनवाई का मूल थीं, सर्वोच्च न्यायालय ने राज्य प्रशासन की प्रतिक्रिया पर उदासीन रुख अपनाया। पीठ ने संकट के दौरान कलकत्ता उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश का फोन नहीं उठाने के लिए मुख्य सचिव को फटकार लगाते हुए इसे अस्वीकार्य बताया और उन्हें माफी मांगने का निर्देश दिया। अदालत ने यह भी देखा कि घटना की प्रकृति ने गंभीर चिंताएं पैदा कीं, संकेत के साथ कि घेराव केवल कानून-व्यवस्था का मुद्दा नहीं था, बल्कि पूर्व-योजनाबद्ध भी हो सकता है, जो एनआईए के प्रारंभिक निष्कर्षों में बताई गई चिंताओं को प्रतिबिंबित करता है। भारतीय न्याय संहिता के तहत तीन एफआईआर दर्ज की गई हैं, जिसमें गैरकानूनी सभा, हत्या का प्रयास और लोक सेवकों के काम में बाधा डालने सहित आरोप लगाए गए हैं। अब तक 100 से अधिक व्यक्तियों को नामित किया गया है और गिरफ्तारियां जारी हैं। अपने प्रस्तुतीकरण में, एनआईए ने सुप्रीम कोर्ट से आग्रह किया है कि मामले को पूर्ण पैमाने पर जांच के लिए एजेंसी को स्थानांतरित करने पर विचार किया जाए, जिससे उसे एफआईआर को फिर से दर्ज करने और लामबंदी और हमलों के पीछे एक व्यापक साजिश की संभावना की जांच करने की अनुमति मिल सके। जगह : मालदह, भारत, भारत पहले प्रकाशित: 07 अप्रैल, 2026, 09:48 IST समाचार चुनाव सामने महिलाएं, मस्जिद की घोषणाएं और खराब सीसीटीवी कैमरे: एनआईए ने मालदा की साजिश रची | अनन्य अस्वीकरण: टिप्पणियाँ उपयोगकर्ताओं के विचार दर्शाती हैं, News18 के नहीं। कृपया चर्चाएँ सम्मानजनक और रचनात्मक रखें। अपमानजनक, मानहानिकारक, या अवैध टिप्पणियाँ हटा दी जाएंगी। News18 अपने विवेक से किसी भी टिप्पणी को अक्षम कर सकता है. पोस्ट करके, आप हमारी उपयोग की शर्तों और गोपनीयता नीति से सहमत होते हैं। और पढ़ें (टैग्सटूट्रांसलेट) मालदा न्यायिक घेराव(टी)एनआईए जांच(टी)सुप्रीम कोर्ट भारत(टी)पश्चिम बंगाल हिंसा(टी)कालियाचक-द्वितीय घटना(टी)न्यायिक अधिकारियों पर हमला(टी)चुनावी रोल विरोध(टी)सुरक्षा चूक सीसीटीवी
Sensex, Nifty Fall; Banking, Auto Stocks See Selloff

मुंबई3 मिनट पहले कॉपी लिंक शेयर बाजार में आज यानी 7 अप्रैल को गिरावट है। सेंसेक्स करीब 400 अंक गिरकर 73,700 पर कारोबार कर रहा है। वहीं, निफ्टी में भी 150 अंक की गिरावट है, ये 22,800 के स्तर पर कारोबार कर रहा है। आज बैंकिंग, ऑटो और FMCG शेयरों में ज्यादा बिकवाली है। एशियाई बाजार में मिला-जुला कारोबार साउथ कोरिया का कोस्पी इंडेक्स 0.20% चढ़कर 5,462 पर कारोबार कर रहा है। जापान का निक्केई 0.14% गिरकर 53,330 पर कारोबार कर रहा है। चीन का शंघाई कंपोजिट 3,880 पर फ्लैट कारोबार कर रहा है।। अमेरिकी बाजार में 6 अप्रैल को मिला-जुला कारोबार डाउ जोन्स 165 अंक (0.36%) चढ़कर 46,669 के स्तर पर बंद हुआ। टेक बेस्ड इंडेक्स नैस्डैक कंपोजिट 0.54% चढ़कर 21,996 पर बंद हुआ। S&P 500 इंडेक्स 29 अंक (0.44%) बढ़कर 6,611 पर बंद हुआ। कल बाजार में रही थह तेजी इससे पहले कल यानी 7 अप्रैल को शेयर बाजार में तेजी रही थी। सेंसेक्स 787 अंक (1.07%) चढ़कर 74,106 पर बंद हुआ था। वहीं, निफ्टी में भी 255 अंकों (1.12%) की तेजी रही, ये 22968 के स्तर पर बंद हुआ था। दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔
सेहत के लिए खजाना है मां दुर्गा का प्रिय गुड़हल का फूल, एंटीऑक्सीडेंट, विटामिन से भरपूर, इन बीमारियों के लिए फायदेमंद

Last Updated:April 07, 2026, 09:37 IST आयुर्वेद विशेषज्ञ वैद्य डॉ. अभिषेक कुमार मिश्रा के अनुसार, गुड़हल में एंटीऑक्सीडेंट, विटामिन C और कई जरूरी पोषक तत्व पाए जाते हैं, जो शरीर को अंदर से मजबूत बनाते हैं. यही वजह है कि पुराने समय से ही इसका उपयोग घरेलू उपचार के रूप में किया जाता रहा है. गुड़हल का सेवन हाई ब्लड प्रेशर को नियंत्रित करने में सहायक माना जाता है. इसका काढ़ा या चाय बनाकर पीने से शरीर में रक्त संचार बेहतर होता है और दिल स्वस्थ रहता है. गुड़हल में मौजूद विटामिन C शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने में मदद करता है. इससे सर्दी-खांसी जैसी सामान्य बीमारियों से बचाव होता है. ख़बरें फटाफट गोंडा: गांव-देहात से लेकर शहरों तक घरों में आसानी से मिलने वाला गुड़हल का फूल सिर्फ पूजा-पाठ में ही नहीं, बल्कि सेहत के लिए भी बेहद फायदेमंद माना जाता है खास तौर पर मां दुर्गा को यह फूल बहुत प्रिय है, इसलिए इसका धार्मिक महत्व भी काफी ज्यादा है. लेकिन बहुत कम लोग जानते हैं कि यह खूबसूरत लाल फूल कई बीमारियों में प्राकृतिक दवा की तरह काम करता है. लोकल 18 से बातचीत के दौरान आयुर्वेद विशेषज्ञ वैद्य डॉ. अभिषेक कुमार मिश्रा के अनुसार, गुड़हल में एंटीऑक्सीडेंट, विटामिन C और कई जरूरी पोषक तत्व पाए जाते हैं, जो शरीर को अंदर से मजबूत बनाते हैं. यही वजह है कि पुराने समय से ही इसका उपयोग घरेलू उपचार के रूप में किया जाता रहा है. ब्लड प्रेशर कंट्रोल करने में मददगार गुड़हल का सेवन हाई ब्लड प्रेशर को नियंत्रित करने में सहायक माना जाता है. इसका काढ़ा या चाय बनाकर पीने से शरीर में रक्त संचार बेहतर होता है और दिल स्वस्थ रहता है. गुड़हल में मौजूद विटामिन C शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने में मदद करता है. इससे सर्दी-खांसी जैसी सामान्य बीमारियों से बचाव होता है.गुड़हल का फूल त्वचा और बालों के लिए भी बहुत लाभकारी होता है. इसका पेस्ट या तेल बालों में लगाने से बाल मजबूत और घने होते हैं. वहीं, चेहरे पर लगाने से त्वचा में निखार आता है और दाग-धब्बे कम होते हैं. वजन कम करने में सहायक जो लोग वजन कम करना चाहते हैं, उनके लिए भी गुड़हल फायदेमंद है. इसकी चाय पीने से मेटाबॉलिज्म तेज होता है और शरीर की अतिरिक्त चर्बी कम करने में मदद मिलती है. गुड़हल का सेवन पेट से जुड़ी समस्याओं जैसे गैस, कब्ज और अपच को दूर करने में मदद करता है यह पाचन तंत्र को मजबूत बनाता है. वायरल इन्फेक्शन के दौरान अक्सर बुखार, कमजोरी और शरीर में दर्द होता है. गुड़हल की चाय पीने से शरीर को ठंडक मिलती है और थकान कम होती है. यह शरीर को अंदर से शांत और ऊर्जा देने का काम करता है. गुड़हल में एंटी-इंफ्लेमेटरी (सूजन कम करने वाले) गुण होते हैं, जो गले की खराश और खांसी में राहत देते हैं. इसका काढ़ा या चाय पीने से गले को आराम मिलता है. जान लें उपयोग का तरीका डॉ. अभिषेक कुमार मिश्रा बताते हैं कि गुड़हल का उपयोग कई तरीकों से किया जा सकता है. इसके फूलों को सुखाकर चाय बनाई जा सकती है. इसके अलावा पत्तियों और फूलों का पेस्ट बनाकर बालों और त्वचा पर लगाया जा सकता है. कुछ लोग इसका काढ़ा बनाकर भी पीते हैं. हालांकि गुड़हल के कई फायदे हैं, लेकिन इसका ज्यादा सेवन नहीं करना चाहिए. खासकर गर्भवती महिलाएं या कोई गंभीर बीमारी से पीड़ित व्यक्ति डॉक्टर की सलाह लेकर ही इसका उपयोग करें. About the Author Rajneesh Kumar Yadav मैं रजनीश कुमार यादव, 2019 से पत्रकारिता से जुड़ा हूं. तीन वर्ष अमर उजाला में बतौर सिटी रिपोर्टर काम किया. तीन वर्षों से न्यूज18 डिजिटल (लोकल18) से जुड़ा हूं. ढाई वर्षों तक लोकल18 का रिपोर्टर रहा. महाकुंभ 2025 …और पढ़ें Location : Gonda,Uttar Pradesh First Published : April 07, 2026, 09:37 IST
तमिल एक्ट्रेस सुभाषिनी सुब्रमण्यम का शव मिला:मौत से पहले कॉल पर हुआ था पति से झगड़ा, दो साल पहले हुई थी शादी

साउथ की पॉपुलर एक्ट्रेस सुभाषिनी सुब्रमण्यम का शव उनके चेन्नई स्थित अपार्टमेंट में मिला है। 36 साल की एक्ट्रेस डिप्रेशन में थीं। रिपोर्ट्स के अनुसार, मौत से कुछ समय पहले ही उनका पति से वीडियो कॉल पर झगड़ा हुआ था। न्यूज 18 की रिपोर्ट के अनुसार, सुभाषिनी, चेन्नई के इयप्पंथंगल इलाके में किराए के फ्लैट में रह रही थीं, जहां उनका शव मिला है। उन्होंने 2 साल पहले 2024 में बिपिन चंद्रन से शादी की थी। कुछ समय से दोनों अलग रह रहे थे। 6 अप्रैल को मौत होने से पहले उन्होंने पित बिपिन को वीडियो कॉल किया था, जिसमें दोनों का झगड़ा हुआ था। पुलिस जांच के अनुसार, झगड़े के बाद ही सुभाषिनी ने आत्महत्या की है, हालांकि अब तक मौत का सटीक कारण और वजह सामने नहीं आ सकी ही। शव बरामद होने के बाद पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। सुभाषिनी सुब्रमण्यम श्रीलंका की रहनेवाली थीं। वो तमिल टीवी इंडस्ट्री में काम मिलने के बाद चेन्नई आकर बस गई थीं। साल 2012 में फिल्म इनी अवन से करियर की शुरुआत करने के बाद वह कई टीवी शोज और फिल्मों में नजर आ चुकी थीं। उन्हें सबसे ज्यादा पहचान टीवी शो कायल में दीपिका का किरदार निभाने पर मिली थी। इसके अलावा वो इल्लाम मेला इरुकुरवन पाथुप्पन और वेब जैसी कई फिल्मों का हिस्सा रही हैं। एक्ट्रेस के इंस्टाग्राम में करीब साढ़े 4 लाख फॉलोअर्स हैं। उन्होंने 2 दिन पहले आखिरी पोस्ट की थी, जिसमें उन्होंने जिंदगी के सार का जिक्र किया था। वो अक्सर सोशल मीडिया पर पति बिबिन के साथ तस्वीरें भी पोस्ट किया करती थीं।
तमिल एक्ट्रेस सुभाषिनी सुब्रमण्यम का शव मिला:मौत से पहले कॉल पर हुआ था पति से झगड़ा, दो साल पहले हुई थी शादी

साउथ की पॉपुलर एक्ट्रेस सुभाषिनी सुब्रमण्यम का शव उनके चेन्नई स्थित अपार्टमेंट में मिला है। 36 साल की एक्ट्रेस डिप्रेशन में थीं। रिपोर्ट्स के अनुसार, मौत से कुछ समय पहले ही उनका पति से वीडियो कॉल पर झगड़ा हुआ था। न्यूज 18 की रिपोर्ट के अनुसार, सुभाषिनी, चेन्नई के इयप्पंथंगल इलाके में किराए के फ्लैट में रह रही थीं, जहां उनका शव मिला है। उन्होंने 2 साल पहले 2024 में बिपिन चंद्रन से शादी की थी। कुछ समय से दोनों अलग रह रहे थे। 6 अप्रैल को मौत होने से पहले उन्होंने पित बिपिन को वीडियो कॉल किया था, जिसमें दोनों का झगड़ा हुआ था। पुलिस जांच के अनुसार, झगड़े के बाद ही सुभाषिनी ने आत्महत्या की है, हालांकि अब तक मौत का सटीक कारण और वजह सामने नहीं आ सकी ही। शव बरामद होने के बाद पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। सुभाषिनी सुब्रमण्यम श्रीलंका की रहनेवाली थीं। वो तमिल टीवी इंडस्ट्री में काम मिलने के बाद चेन्नई आकर बस गई थीं। साल 2012 में फिल्म इनी अवन से करियर की शुरुआत करने के बाद वह कई टीवी शोज और फिल्मों में नजर आ चुकी थीं। उन्हें सबसे ज्यादा पहचान टीवी शो कायल में दीपिका का किरदार निभाने पर मिली थी। इसके अलावा वो इल्लाम मेला इरुकुरवन पाथुप्पन और वेब जैसी कई फिल्मों का हिस्सा रही हैं। एक्ट्रेस के इंस्टाग्राम में करीब साढ़े 4 लाख फॉलोअर्स हैं। उन्होंने 2 दिन पहले आखिरी पोस्ट की थी, जिसमें उन्होंने जिंदगी के सार का जिक्र किया था। वो अक्सर सोशल मीडिया पर पति बिबिन के साथ तस्वीरें भी पोस्ट किया करती थीं।
IPL में आज MI-RR के बीच मुकालबा मैच:30 सिक्स पूरे करने वाले सबसे कम उम्र के खिलाड़ी बने वैभव सूर्यवंशी, ईशान किशन को भी पीछे छोड़ा

IPL में आज का मुकाबला इंडियंस (MI) और राजस्थान रॉयल्स (RR) के बीच खेला जाएगा। गुवाहाटी के बरसापारा स्टेडियम में मैच शाम 7:30 बजे से शुरू होगा। आज मैच में सभी की निगाहें वैभव सूर्यवंशी पर रहेगी, जो IPL में अपने 30 सिक्स पूरे करने वाले सबसे कम उम्र के खिलाड़ी बन गए हैं। उन्होंने गेंद के मामलों में ईशान किशन को भी पिछे छोड़ दिया है। CSK के खिलाफ मात्र 15 गेंदों में 50 रन ठोक दिए थे। हालांकि, गुजरात टाइटंस के खिलाफ पिछले मैच में वो 18 गेंद पर 31 रन ही बना सके। वैभव के IPL में 30 सिक्स पूरे वैभव सूर्यवंशी ने IPL में अपने 30 सिक्स पूरे कर लिए हैं। वे 19 साल या उससे कम उम्र में सबसे तेजी से इस आंकड़े तक पहुंचने वाले बल्लेबाज बन गए। उन्होंने सिर्फ 157 गेंदों में यह मुकाम हासिल किया। ऋषभ पंत और ईशान किशन ने भी 30-30 सिक्स लगाए थे, लेकिन उन्होंने इसके लिए काफी ज्यादा गेंदें खेलें। वैभव ने सिक्स लगाकर फिफ्टी पूरी की थी चेन्नई के खिलाफ मैच खेलने आए वैभव का पहली ही गेंद पर कैच छूट गया था। वैभव सूर्यवंशी अपनी पहली बॉल पर बड़ा शॉट खेलने गए, लेकिन गेंद हवा में थी। कार्तिक शर्मा गेंद के नीचे आए, लेकिन कैच नहीं पकड़ सके। अगली गेंद पर सूर्यवंशी ने छक्का भी लगा दिया था। वैभव ने पावरप्ले के आखिरी ओवर में छक्का लगाकर अपनी फिफ्टी पूरी की। उन्होंने 17 गेंदों पर 52 रन बनाए, जिसमें 4 चौके और 5 छक्के शामिल थे। यह राजस्थान के लिए वैभव की दूसरी सबसे तेज फिफ्टी है। टॉप पर यशस्वी जायसवाल हैं, जिन्होंने 2023 में कोलकाता के खिलाफ सिर्फ 13 गेंदों में अर्धशतक लगाया था। पहली गेंद पर चौका लगाकर खाता खोला था वहीं, GT के खिलाफ वैभव ने अपनी पहली गेंद पर चौका लगाकर खाता खोला था। वहीं, सिराज के चौथे गेंद पर भी वैभव ने चौका जड़ा, पहले ओवर में 2 चौके जड़े। जोस बटलर से वैभव सूर्यवंशी का कैच छूट गया था। उनके हाथ से छूटी कैच चौके के लिए निकल गई। इस जीवनदान का वैभव ने पूरा फायदा उठाया और अगली ही गेंद पर पॉइंट की दिशा में छक्का लगाकर टीम की फिफ्टी पूरी कर दी। वैभव ने 18 गेंद पर 31 रन बनाए। IPL में सबसे कम उम्र के शतक लगाने वाले खिलाड़ी हैं वैभव पिछले सीजन के आईपीएल ऑक्शन में राजस्थान रॉयल्स ने वैभव सूर्यवंशी को 1.10 करोड़ रुपए में खरीदा था। उस समय उनकी उम्र महज 13 साल 8 महीने थी, जिससे वे ऑक्शन में बिकने वाले दुनिया के सबसे युवा खिलाड़ी बने थे। इस साल टीम ने उन्हें रिटेन किया है। वे पिछले सीजन में सबसे कम उम्र में शतक लगाने वाले खिलाड़ी बने थे। उन्होंने अपने डेब्यू मैच में ही केवल 35 गेंदों में तूफानी शतक जड़ा था। इसी के साथ वो क्रिस गेल के बाद दूसरे सबसे तेज शतक लगाने वाले खिलाड़ी भी बने थे। यह किसी भी भारतीय की ओर से आईपीएल में सबसे तेज शतक था। वैभव सूर्यवंशी ने अपने आईपीएल करियर की पहली ही गेंद पर छक्का जड़ा था।
क्या मोटे लोगों को ज्यादा पसीना आता है? पतले लोगों को क्यों होती है यह समस्या, इस पर क्या कहता है साइंस

Body Fat Increase Heat Sensitivity: गर्मी की शुरुआत हो चुकी है और यह मौसम कई लोगों के लिए मुश्किल भरा होता है. तेज धूप और बढ़ती तपिश से लोगों का बुरा हाल हो जाता है. लोग जैसे ही बाहर निकलते हैं, वैसे ही उनका शरीर पसीने से भीग जाता है. पसीना स्किन से जुड़ी कई इंफेक्शन का खतरा बढ़ा देता है. आपने कई बार महसूस किया होगा कि कुछ लोगों को ज्यादा पसीना आता है और कुछ लोगों को कम पसीना आता है. अक्सर माना जाता है कि मोटे लोगों को ज्यादा गर्मी लगती है और उन्हें ज्यादा पसीना आता है. जबकि पतले लोगों को यह परेशानी कम होती है. अब सवाल है कि क्या वाकई मोटे लोगों को ज्यादा गर्मी और पसीने की समस्या रहती है? चलिए इस बारे में हकीकत जानने की कोशिश करते हैं. अमेरिका के क्लीवलैंड क्लीनिक की रिपोर्ट के मुताबिक जब शरीर का तापमान सामान्य से ज्यादा होने लगता है, तब हमारी ग्रंथियां पसीना बनाती हैं. यह शरीर को ठंडा करने का नेचुरल सिस्टम होता है. पसीना मुख्य रूप से पानी से बना होता है, जिसमें थोड़ा नमक और अन्य तत्व होते हैं. जब शरीर का तापमान बढ़ता है, तो पसीना निकलता है और स्किन पर आकर सूखने लगता है, जिससे शरीर ठंडा हो जाता है. यह प्रक्रिया शरीर का तापमान संतुलित रखने में मदद करती है, जो लगभग 98.6°F होता है. लोग अक्सर मानते हैं कि पसीने से शरीर के टॉक्सिन बाहर निकलते हैं, लेकिन असल में यह काम लिवर और किडनी करते हैं. पसीने का मुख्य काम सिर्फ शरीर को ज्यादा गर्म होने से बचाना है. सेहत, रिलेशनशिप, लाइफ या धर्म-ज्योतिष से जुड़ी है कोई निजी उलझन तो हमें करें WhatsApp, आपका नाम गोपनीय रखकर देंगे जानकारी. क्या मोटे लोगों को ज्यादा पसीना आता है? कुछ रिसर्च बताती हैं कि शरीर में जमा अतिरिक्त फैट एक इंसुलेटर की तरह काम करता है. इसका मतलब है कि यह शरीर के अंदर पैदा होने वाली गर्मी को बाहर निकलने से रोकता है. जब शरीर की गर्मी बाहर नहीं निकल पाती, तो व्यक्ति को ज्यादा गर्मी महसूस होती है. यही वजह है कि अधिक वजन या मोटापे से ग्रस्त लोगों को सामान्य वजन वाले लोगों की तुलना में ज्यादा गर्मी लग सकती है. मोटे लोगों के शरीर को ठंडा रखने के लिए बॉडी को ज्यादा मेहनत करनी पड़ती है, इसलिए उनमें पसीना ज्यादा आता है. शरीर का आकार बड़ा होने के कारण एनर्जी की खपत भी ज्यादा होती है, जिससे अतिरिक्त गर्मी पैदा होती है और शरीर को उसे संतुलित करने के लिए ज्यादा पसीना बहाना पड़ता है. हालांकि हर मोटे व्यक्ति के साथ ऐसा नहीं होता है. मेटाबॉलिज्म का भी इसमें अहम रोल एक्सपर्ट्स की मानें तो मेटाबॉलिज्म भी इसमें अहम भूमिका निभाता है. जिन लोगों का वजन ज्यादा होता है, उनका बेसल मेटाबॉलिक रेट (BMR) अक्सर अधिक होता है, यानी उनका शरीर आराम की स्थिति में भी ज्यादा एनर्जी खर्च करता है. इस प्रक्रिया में गर्मी उत्पन्न होती है, जो उन्हें ज्यादा गर्म महसूस करा सकती है. हालांकि यह जरूरी नहीं कि हर अधिक वजन वाले व्यक्ति को एक समान गर्मी लगे, क्योंकि उम्र, हार्मोन, फिटनेस और वातावरण जैसे अन्य कारक भी इसे प्रभावित करते हैं. ज्यादा पसीना आने के अन्य कारण ज्यादा पसीना आना सिर्फ गर्मी या एक्सरसाइज की वजह से नहीं होता, बल्कि इसके पीछे कई मेडिकल कारण भी हो सकते हैं. इसमें सबसे कॉमन हाइपरहाइड्रोसिस है, जिसमें शरीर जरूरत से ज्यादा पसीना बनाता है. इसके अलावा थायराइड की समस्या मेटाबॉलिज्म बढ़ाकर पसीना बढ़ा सकती है. डायबिटीज, हॉर्मोनल बदलाव जैसे मेनोपॉज या पीसीओएस, संक्रमण और बुखार, हार्ट या लंग्स की बीमारियां और मानसिक तनाव या एंजायटी भी ज्यादा पसीने का कारण बन सकते हैं. अगर लगातार बिना किसी स्पष्ट वजह के पसीना आता है, तो डॉक्टर से जांच कराना जरूरी है.
प्रेमिका के पति को शराब पिलाकर रेता था गला:शादी के बाद भी थे युवती से संबंध; 2 गिरफ्तार, 3 आरोपी फरार

मैहर जिले में अमरपाटन थाना क्षेत्र के औद्योगिक क्षेत्र पडक्का में हुई हत्या का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस के अनुसार, 23 वर्षीय राजभान कोल की हत्या उसकी पत्नी के पुराने प्रेमी ने अपने साथियों के साथ मिलकर की थी। इस मामले में मुख्य आरोपी सहित दो लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि तीन अन्य आरोपी अभी भी फरार हैं। यह घटना 3 अप्रैल की शाम को शुरू हुई, जब मौहरिया-जगन्नाथ निवासी राजभान कोल (23) एक फोन आने के बाद घर से निकला और वापस नहीं लौटा। अगले दिन, गांव से लगभग एक किलोमीटर दूर पडक्का इंडस्ट्रियल एरिया में उसका शव मिला। राजभान के चेहरे और गले पर गहरे घाव थे, जिससे यह स्पष्ट हो गया था कि उसकी बेरहमी से हत्या की गई थी। पूछताछ में लगा सुराग अमरपाटन थाना प्रभारी विजय सिंह परस्ते के नेतृत्व में पुलिस टीम ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तकनीकी साक्ष्य जुटाए। पुलिस ने मृतक की पत्नी साधना कोल और परिजनों से पूछताछ की, जिससे प्रेम प्रसंग का सुराग मिला। इसी आधार पर पुलिस ने दिलीप पटेल उर्फ कल्लू को हिरासत में लिया। शुरुआत में दिलीप ने पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की, लेकिन मनोवैज्ञानिक तरीके से की गई सख्ती के बाद उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। पूछताछ में मुख्य आरोपी दिलीप पटेल ने बताया कि उसका और साधना का प्रेम-संबंध शादी से पहले का था, जो राजभान से शादी के बाद भी गुपचुप तरीके से जारी रहा। हाल ही में राजभान को अपनी पत्नी और दिलीप के रिश्ते पर शक होने लगा था, जिससे उनके मिलने-जुलने में बाधा आ रही थी। दिलीप ने राजभान को रास्ते से हटाने के लिए अपने दोस्त जितेंद्र उर्फ बिज्जू, करण केवट और दो अन्य साथियों के साथ मिलकर हत्या की योजना बनाई थी। शराबी पार्टी कर उतारा मौत के घाट आरोपियों ने वारदात को अंजाम देने के लिए राजभान को ही मोहरा बनाया। 3 अप्रैल को करण केवट ने राजभान को फोन कर पडक्का बुलाया। वहां सभी ने साथ बैठकर जमकर शराब पी। जैसे ही राजभान नशे में धुत हुआ, आरोपियों ने उस पर हमला कर दिया। आरोपियों ने पहले राजभान को बेदम पीटा, फिर भारी पत्थर से उसका सिर कूच दिया। मौत पक्की करने के लिए टूटी हुई कांच की बोतल से उसका गला रेत दिया गया। पुलिस ने मुख्य आरोपी दिलीप पटेल और उसके साथी जितेन्द्र कुशवाहा को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया है। जबकी तीन फरार है जिसकी तलाश पुलिस कर रही है।
चाय की चाननी की सफाई: 5 रुपए में होगी सफाई, काम आएगा ये देसी तरीका; कोई अन्य घिसने की जरूरत नहीं

7 अप्रैल 2026 को 09:26 IST पर अद्यतन किया गया गंदी चाय छलनी की सफाई: रोजाना चाय बनाने वाली छलनी कुछ ही दिनों में काली और गंदी हो जाती है। चाय की बोतल और दूध में स्पष्ट रूप से जैम होता है, जिससे इसे साफ करना मुश्किल लगता है। कई लोग इसे घिसाते हैं, फिर भी बिल्कुल साफ नहीं होते। लेकिन एक आसान और सस्ता देसी तरीका है, जिससे आपकी चाय की चन्नी बिना ज्यादा मेहनत के चमकने लगेगी और वो भी सिर्फ करीब 5 रुपये में- अनुसरण करना : चाय की पत्ती जाल में जाम हो जाती है। दूध और पानी की परत बन जाती है। ऐसे में रोजाना इस्तेमाल से पेस्ट को सख्त किया जाता है। इसके लिए 1 चम्मच सिरका, 1 सोडा सोडा और 1-2 सिरका सिरका या नींबू चाहिए। छवि: फ्रीपिक एक पॉश्चर में पानी गरम करें और इसमें सोडा डालें। अब चाय की छलनी उस पानी में डाल दे। इसके बाद 5-10 मिनट तक स्मोकिंग डे। छवि: फ्रीपिक गैस बंद करके सिरका या लेबल लगाएं। 2-3 मिनट बाद छलनी हटा लें। अब आप देख रहे हैं कि मच्छर खुदी ही गोदाम अरेस्ट लगी है। छवि: फ्रीपिक इसके बाद दांतों से ब्रश या स्पूल से धो लें और साफ पानी से धो लें। बिना ज्यादा मेहनत के आपकी चन्नी बिल्कुल साफ और चमकदार होगी। छवि: फ्रीपिक सप्ताह में 1 बार ऐसा करने से चन्नी हमेशा साफ रहेगी। इसका उपयोग तुरंत बाद धोने की आदत डालें। बहुत आम होने का इंतज़ार न करें, बाकी छलनी में से विघटन व्यवसाय। छवि: फ्रीपिक इस आसान देसी तरीके से आप अपनी चाय की छलनी को बिना घिसे, कम खर्च में और जल्दी साफ कर सकते हैं। छवि: फ्रीपिक द्वारा प्रकाशित : समृद्धि ब्रेजा प्रकाशित 7 अप्रैल 2026 08:57 IST पर
इंदौर में जिम संचालक पर तलवार से हमला, VIDEO:इंदौर में कार पार्किंग को लेकर हुआ था विवाद, 60 फीट रोड की घटना, थाने में हुआ समझौता

शहर के एरोड्रम इलाके में कार पार्किंग को लेकर हुआ मामूली विवाद अचानक हिंसक हो गया। गुस्साए पड़ोसी ने जिम संचालक पर तलवार से हमला कर दिया। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पुलिस ने मामले में संज्ञान लिया है। मामला 60 फीट रोड का है, जहां आशू व्यास जिम का संचालन करते हैं। उनका पास में रहने वाले व्यक्ति से कार पार्किंग को लेकर विवाद हुआ था। कहासुनी के बाद मामला इतना बढ़ा कि पड़ोसी तलवार लेकर मौके पर पहुंच गया और अचानक हमला कर दिया। हाथ से रोकी तलवार, लोगों ने बचाया हमले के दौरान आशू व्यास ने हाथ से तलवार रोकने की कोशिश की। शोर सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और बीच-बचाव कर उनकी जान बचाई। वीडियो वायरल, पुलिस ने लिया संज्ञान घटना का वीडियो मौके पर मौजूद लोगों ने बना लिया, जो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। पुलिस ने वीडियो के आधार पर मामले को संज्ञान में लिया है और जांच शुरू कर दी है। देर शाम दोनों पक्षों में समझौता जानकारी के मुताबिक देर शाम दोनों पक्षों के बीच थाने में समझौता हो गया। हालांकि तलवार से हमले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अपने स्तर पर जांच कर रही है।








