Wednesday, 10 Jun 2026 | 11:23 AM

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पाकिस्तान ने अफगानिस्तान पर एयरस्ट्राइक की:11 बच्चों समेत 13 की मौत, 14 महिलाएं घायल; तालिबान ने एयरस्पेस उल्लंघन का आरोप लगाया फिल्ममेकर भारतीराजा का 84 साल की उम्र में निधन:राजेश खन्ना की फिल्म समेत 40 से ज्यादा फिल्में बनाई थीं; 6 नेशनल अवार्ड मिले फिल्ममेकर भारतीराजा का 84 साल की उम्र में निधन:राजेश खन्ना की फिल्म समेत 40 से ज्यादा फिल्में बनाई थीं; 6 नेशनल अवार्ड मिले स्पोर्ट्स अपडेट:टेनिस स्टार सेरेना विलियम्स की 4 साल बाद जीत के साथ कोर्ट पर वापसी: क्वींस क्लब डबल्स के पहले राउंड में जीती स्पोर्ट्स अपडेट:टेनिस स्टार सेरेना विलियम्स की 4 साल बाद जीत के साथ कोर्ट पर वापसी: क्वींस क्लब डबल्स के पहले राउंड में जीती Sensex Jumps 200 Points, Nifty Gains 100; IT & FMCG Stocks Lead Rally
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वर्ल्ड अपडेट्स:कनाडा में फर्जी लाइसेंस पर 17 साल तक प्लेन उड़ाता रहा पायलट; हजारों यात्रियों की जान खतरे में डालने का आरोप

वर्ल्ड अपडेट्स:कनाडा में फर्जी लाइसेंस पर 17 साल तक प्लेन उड़ाता रहा पायलट; हजारों यात्रियों की जान खतरे में डालने का आरोप

कनाडा की एयरलाइन एयर कनाडा के पूर्व पायलट ज्योफ्री वॉल पर फर्जी लाइसेंस के सहारे 17 साल तक कमर्शियल फ्लाइट उड़ाने का आरोप लगा है। डिप्टी चीफ निक मिलिनोविच ने कहा कि आरोपी ने हजारों यात्रियों की सुरक्षा को खतरे में डाला। पुलिस के मुताबिक वॉल पर 5 हजार डॉलर से ज्यादा की धोखाधड़ी, पब्लिक मिसचीफ, फर्जी दस्तावेज इस्तेमाल करने और नकली प्रमाण चिह्न रखने समेत कई आरोप लगाए गए हैं। 59 वर्षीय वॉल को 1 जून को गिरफ्तार किया गया। ट्रांसपोर्ट कनाडा की जांच में दस्तावेजों में गड़बड़ी मिलने के बाद यह मामला सामने आया। आरोप है कि वॉल ने 1998 में एविएशन करियर शुरू किया था और 2009 में फर्जी क्रेडेंशियल के आधार पर पायलट-इन-कमांड यानी कप्तान का पद हासिल कर लिया। इसके बाद वह वर्षों तक हजारों यात्रियों को लेकर उड़ान भरता रहा। मामला तब खुला, जब पिछले साल पियर्सन एयरपोर्ट पर ट्रांसपोर्ट कनाडा की नियमित ऑपरेशनल जांच के दौरान उसके दस्तावेजों में कमियां मिलीं। इसके बाद ‘प्रोजेक्ट इकारस’ नाम से विस्तृत जांच शुरू की गई। अब जांच एजेंसियां यह पता लगा रही हैं कि आरोपी ने फर्जी दस्तावेज कैसे तैयार किए और इतने लंबे समय तक सिस्टम की नजरों से कैसे बचा रहा।

वर्ल्ड अपडेट्स:कनाडा में फर्जी लाइसेंस पर 17 साल तक प्लेन उड़ाता रहा पायलट; हजारों यात्रियों की जान खतरे में डालने का आरोप

वर्ल्ड अपडेट्स:कनाडा में फर्जी लाइसेंस पर 17 साल तक प्लेन उड़ाता रहा पायलट; हजारों यात्रियों की जान खतरे में डालने का आरोप

कनाडा की एयरलाइन एयर कनाडा के पूर्व पायलट ज्योफ्री वॉल पर फर्जी लाइसेंस के सहारे 17 साल तक कमर्शियल फ्लाइट उड़ाने का आरोप लगा है। डिप्टी चीफ निक मिलिनोविच ने कहा कि आरोपी ने हजारों यात्रियों की सुरक्षा को खतरे में डाला। पुलिस के मुताबिक वॉल पर 5 हजार डॉलर से ज्यादा की धोखाधड़ी, पब्लिक मिसचीफ, फर्जी दस्तावेज इस्तेमाल करने और नकली प्रमाण चिह्न रखने समेत कई आरोप लगाए गए हैं। 59 वर्षीय वॉल को 1 जून को गिरफ्तार किया गया। ट्रांसपोर्ट कनाडा की जांच में दस्तावेजों में गड़बड़ी मिलने के बाद यह मामला सामने आया। आरोप है कि वॉल ने 1998 में एविएशन करियर शुरू किया था और 2009 में फर्जी क्रेडेंशियल के आधार पर पायलट-इन-कमांड यानी कप्तान का पद हासिल कर लिया। इसके बाद वह वर्षों तक हजारों यात्रियों को लेकर उड़ान भरता रहा। मामला तब खुला, जब पिछले साल पियर्सन एयरपोर्ट पर ट्रांसपोर्ट कनाडा की नियमित ऑपरेशनल जांच के दौरान उसके दस्तावेजों में कमियां मिलीं। इसके बाद ‘प्रोजेक्ट इकारस’ नाम से विस्तृत जांच शुरू की गई। अब जांच एजेंसियां यह पता लगा रही हैं कि आरोपी ने फर्जी दस्तावेज कैसे तैयार किए और इतने लंबे समय तक सिस्टम की नजरों से कैसे बचा रहा। अंतरराष्ट्रीय मामलों से जुड़ी अन्य बड़ी खबरें… पाकिस्तान ने अफगानिस्तान पर एयरस्ट्राइक की; 11 बच्चों समेत 13 लोगों की मौत, 14 महिलाएं घायल पाकिस्तानी सेना ने मंगलवार देर रात अफगानिस्तान के कुनार, खोस्त और पक्तिका प्रांतों में एयर स्ट्राइक की। तालिबान सरकार के मुताबिक हमलों में 11 बच्चों समेत 13 नागरिकों की मौत हुई, जबकि 14 महिलाएं घायल हैं। तालिबान सरकार के प्रवक्ता जबीहुल्लाह मुजाहिद ने कहा कि पाकिस्तान ने अफगानिस्तान की हवाई सीमा का उल्लंघन करते हुए रिहायशी इलाकों को निशाना बनाया। हमले पूरी तरह नागरिक क्षेत्रों पर किए गए। मुजाहिद ने बताया कि मृतकों में 11 बच्चे, एक महिला और एक बुजुर्ग शामिल हैं। उन्होंने हमले के बाद की तस्वीरें भी जारी कीं। तालिबान सरकार के अनुसार पिछले एक साल में पाकिस्तान की सैन्य कार्रवाइयों में सैकड़ों लोगों की जान जा चुकी है। मार्च में काबुल स्थित एक पुनर्वास केंद्र पर हुए हमले में 269 लोगों की मौत का दावा किया गया था। इस्लामाबाद लंबे समय से आरोप लगाता रहा है कि तालिबान सरकार तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (TTP) और बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी (BLA) जैसे संगठनों को समर्थन देती है। हालांकि तालिबान इन आरोपों को खारिज करता रहा है।

दावा-इंग्लैंड के कप्तान स्टोक्स संन्यास ले सकते हैं:लॉर्ड्स टेस्ट की जीत के बाद नाइटक्लब विवाद में नाम आया; दूसरे टेस्ट से बाहर

दावा-इंग्लैंड के कप्तान स्टोक्स संन्यास ले सकते हैं:लॉर्ड्स टेस्ट की जीत के बाद नाइटक्लब विवाद में नाम आया; दूसरे टेस्ट से बाहर

इंग्लैंड क्रिकेट टीम के कप्तान बेन स्टोक्स टेस्ट टीम की कप्तानी छोड़ सकते हैं और अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास (रिटायरमेंट) का ऐलान भी कर सकते हैं। ब्रिटिश मीडिया आउटलेट टॉकस्पोर्ट की एक रिपोर्ट में यह दावा किया गया है। यह डेवलपमेंट लॉर्ड्स टेस्ट में न्यूजीलैंड पर इंग्लैंड की 115 रनों की जीत के तुरंत बाद सोमवार तड़के हुए एक नाइटक्लब विवाद के बाद सामने आया है। इस विवाद में कप्तान बेन स्टोक्स के साथ टीम के तेज गेंदबाज गस एटकिंसन भी शामिल थे। इंग्लैंड एंड वेल्स क्रिकेट बोर्ड (ECB) ने टीम प्रोटोकॉल तोड़ने के आरोप में दोनों खिलाड़ियों के खिलाफ आधिकारिक जांच शुरू कर दी है। बोर्ड की कार्रवाई का इंतजार नहीं करेंगे स्टोक्स, खुद ले सकते हैं फैसला क्रिकेट वेबसाइट ‘द क्रिकेटर’ के सीनियर कॉरेस्पोंडेंट जॉर्ज डोबेल ने टॉकस्पोर्ट से बातचीत में बताया कि स्टोक्स अनुशासन समिति के फैसले का इंतजार करने के बजाय खुद ही पीछे हटने का मन बना रहे हैं। डोबेल ने कहा, ‘मुझे जो भी जानकारियां मिल रही हैं, उससे डर है कि स्टोक्स ECB की कार्रवाई से पहले ही खुद कदम उठाएंगे। बेहद दुख के साथ कहना पड़ रहा है कि मैं सुन रहा हूं कि वे कप्तानी से इस्तीफा दे सकते हैं और संभवतः क्रिकेट से संन्यास भी ले सकते हैं।’ न्यूजीलैंड के खिलाफ दूसरे टेस्ट से बाहर रहेंगे दोनों खिलाड़ी विवाद के बाद ECB ने एक बयान जारी कर कहा,’बेन स्टोक्स और गस एटकिंसन सोमवार तड़के एक नाइटक्लब में मौजूद थे, जहां यह घटना हुई। हम मामले से जुड़ी और जानकारी जुटा रहे हैं। दूसरे टेस्ट के लिए टीम का ऐलान जल्द ही किया जाएगा।’ 17 जून से द ओवल में न्यूजीलैंड के खिलाफ शुरू होने वाले दूसरे टेस्ट के लिए इंग्लैंड की टीम की घोषणा में देरी हो रही है। बोर्ड फिलहाल बेन स्टोक्स के फैसले का इंतजार कर रहा है। हालांकि, यह साफ हो चुका है कि स्टोक्स और एटकिंसन दोनों ही न्यूजीलैंड के खिलाफ इस टेस्ट सीरीज के बचे हुए मैचों का हिस्सा नहीं होंगे। लॉर्ड्स टेस्ट की जीत के कुछ ही घंटों बाद हुआ विवाद यह घटना इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि रविवार को ही इंग्लैंड ने न्यूजीलैंड को पहले टेस्ट में 115 रनों से हराया था। मैच के आखिरी दिन गस एटकिंसन ने 30 रन देकर 5 विकेट झटके थे और जीत में बड़ी भूमिका निभाई थी, वहीं स्टोक्स को भी एक विकेट मिला था। इस शानदार जीत का जश्न मनाने के लिए ही खिलाड़ी रात में बाहर गए थे, जहां रग्बी क्लब के खिलाड़ियों के साथ उनकी बहस हो गई। ‘मिडनाइट कर्फ्यू’ के नियमों का उल्लंघन भारी पड़ा इंग्लैंड के खिलाड़ियों का मैदान से बाहर का व्यवहार पिछले कुछ समय से ECB के लिए सिरदर्द बना हुआ है। हाल ही में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ एशेज दौरे के दौरान भी खिलाड़ियों के देर रात तक पार्टी करने और शराब से जुड़े अनुशासनात्मक मामलों पर भारी आलोचना हुई थी। इसके बाद ECB ने टीम के लिए ‘मिडनाइट कर्फ्यू’ (आधी रात के बाद बाहर न रहने का नियम) दोबारा लागू किया था। स्टोक्स और एटकिंसन की ओर से इस कड़े प्रोटोकॉल को तोड़ना बोर्ड को नागवार गुजरा है।

दावा-इंग्लैंड के कप्तान स्टोक्स संन्यास ले सकते हैं:लॉर्ड्स टेस्ट की जीत के बाद नाइटक्लब विवाद में नाम आया; दूसरे टेस्ट से बाहर

दावा-इंग्लैंड के कप्तान स्टोक्स संन्यास ले सकते हैं:लॉर्ड्स टेस्ट की जीत के बाद नाइटक्लब विवाद में नाम आया; दूसरे टेस्ट से बाहर

इंग्लैंड क्रिकेट टीम के कप्तान बेन स्टोक्स टेस्ट टीम की कप्तानी छोड़ सकते हैं और अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास (रिटायरमेंट) का ऐलान भी कर सकते हैं। ब्रिटिश मीडिया आउटलेट टॉकस्पोर्ट की एक रिपोर्ट में यह दावा किया गया है। यह डेवलपमेंट लॉर्ड्स टेस्ट में न्यूजीलैंड पर इंग्लैंड की 115 रनों की जीत के तुरंत बाद सोमवार तड़के हुए एक नाइटक्लब विवाद के बाद सामने आया है। इस विवाद में कप्तान बेन स्टोक्स के साथ टीम के तेज गेंदबाज गस एटकिंसन भी शामिल थे। इंग्लैंड एंड वेल्स क्रिकेट बोर्ड (ECB) ने टीम प्रोटोकॉल तोड़ने के आरोप में दोनों खिलाड़ियों के खिलाफ आधिकारिक जांच शुरू कर दी है। बोर्ड की कार्रवाई का इंतजार नहीं करेंगे स्टोक्स, खुद ले सकते हैं फैसला क्रिकेट वेबसाइट ‘द क्रिकेटर’ के सीनियर कॉरेस्पोंडेंट जॉर्ज डोबेल ने टॉकस्पोर्ट से बातचीत में बताया कि स्टोक्स अनुशासन समिति के फैसले का इंतजार करने के बजाय खुद ही पीछे हटने का मन बना रहे हैं। डोबेल ने कहा, ‘मुझे जो भी जानकारियां मिल रही हैं, उससे डर है कि स्टोक्स ECB की कार्रवाई से पहले ही खुद कदम उठाएंगे। बेहद दुख के साथ कहना पड़ रहा है कि मैं सुन रहा हूं कि वे कप्तानी से इस्तीफा दे सकते हैं और संभवतः क्रिकेट से संन्यास भी ले सकते हैं।’ न्यूजीलैंड के खिलाफ दूसरे टेस्ट से बाहर रहेंगे दोनों खिलाड़ी विवाद के बाद ECB ने एक बयान जारी कर कहा,’बेन स्टोक्स और गस एटकिंसन सोमवार तड़के एक नाइटक्लब में मौजूद थे, जहां यह घटना हुई। हम मामले से जुड़ी और जानकारी जुटा रहे हैं। दूसरे टेस्ट के लिए टीम का ऐलान जल्द ही किया जाएगा।’ 17 जून से द ओवल में न्यूजीलैंड के खिलाफ शुरू होने वाले दूसरे टेस्ट के लिए इंग्लैंड की टीम की घोषणा में देरी हो रही है। बोर्ड फिलहाल बेन स्टोक्स के फैसले का इंतजार कर रहा है। हालांकि, यह साफ हो चुका है कि स्टोक्स और एटकिंसन दोनों ही न्यूजीलैंड के खिलाफ इस टेस्ट सीरीज के बचे हुए मैचों का हिस्सा नहीं होंगे। लॉर्ड्स टेस्ट की जीत के कुछ ही घंटों बाद हुआ विवाद यह घटना इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि रविवार को ही इंग्लैंड ने न्यूजीलैंड को पहले टेस्ट में 115 रनों से हराया था। मैच के आखिरी दिन गस एटकिंसन ने 30 रन देकर 5 विकेट झटके थे और जीत में बड़ी भूमिका निभाई थी, वहीं स्टोक्स को भी एक विकेट मिला था। इस शानदार जीत का जश्न मनाने के लिए ही खिलाड़ी रात में बाहर गए थे, जहां रग्बी क्लब के खिलाड़ियों के साथ उनकी बहस हो गई। ‘मिडनाइट कर्फ्यू’ के नियमों का उल्लंघन भारी पड़ा इंग्लैंड के खिलाड़ियों का मैदान से बाहर का व्यवहार पिछले कुछ समय से ECB के लिए सिरदर्द बना हुआ है। हाल ही में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ एशेज दौरे के दौरान भी खिलाड़ियों के देर रात तक पार्टी करने और शराब से जुड़े अनुशासनात्मक मामलों पर भारी आलोचना हुई थी। इसके बाद ECB ने टीम के लिए ‘मिडनाइट कर्फ्यू’ (आधी रात के बाद बाहर न रहने का नियम) दोबारा लागू किया था। स्टोक्स और एटकिंसन की ओर से इस कड़े प्रोटोकॉल को तोड़ना बोर्ड को नागवार गुजरा है।

पहले वनडे में बांग्लादेश ने ऑस्ट्रेलिया को 86 रन हराया:21 साल बाद कंगारू टीम पर मिली दूसरी जीत; नालेद राणा ने झटके 4 विकेट

पहले वनडे में बांग्लादेश ने ऑस्ट्रेलिया को 86 रन हराया:21 साल बाद कंगारू टीम पर मिली दूसरी जीत; नालेद राणा ने झटके 4 विकेट

बांग्लादेश ने मीरपुर में खेले गए पहले वनडे मैच में ऑस्ट्रेलिया को डकवर्थ-लुईस (DLS) नियम के तहत 86 रन से हरा दिया। बांग्लादेश की ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ वनडे इतिहास में यह केवल दूसरी जीत है। इससे पहले साल 2005 में बांग्लादेश ने ऑस्ट्रेलिया को पहली बार किसी वनडे मैच में मात दी थी। इस मुकाबले में करीब चार साल बाद वनडे क्रिकेट में वापसी कर रहे मोसाद्देक हुसैन ने पहले बल्लेबाजी में नाबाद 86 रनों की पारी खेली और बाद में गेंदबाजी में भी 2 विकेट चटकाए। वहीं, नावेद राणा ने 4 विकेट लिए। ऑस्ट्रेलिया की टीम पिछले हफ्ते पाकिस्तान से वनडे सीरीज 2-1 से हारने के बाद यहां पहुंची है, जहां उसे पहले ही मैच में करारी शिकस्त झेलनी पड़ी। खराब रोशनी और बारिश के कारण रुका मैच टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करते हुए बांग्लादेश की टीम ने निर्धारित 50 ओवरों में 8 विकेट पर 284 रन बनाए थे। जवाब में 285 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी ऑस्ट्रेलियाई टीम 42.2 ओवरों में 9 विकेट खोकर केवल 191 रन ही बना सकी थी कि तभी मैदान पर तेज बिजली कड़कने और बारिश के कारण खेल को रोकना पड़ा। खेल दोबारा शुरू न होने की स्थिति में डकवर्थ-लुईस नियम के तहत बांग्लादेश को 86 रनों से विजेता घोषित कर दिया गया। ऑस्ट्रेलिया की ओर से कैमरून ग्रीन 52 रन बनाकर नाबाद रहे। मोसाद्देक हुसैन की शानदार वापसी, शांतो और तंजीद के भी अर्धशतक चार साल बाद टीम में लौटे मोसाद्देक हुसैन बांग्लादेश की जीत के सबसे बड़े हीरो रहे। उन्होंने महज 70 गेंदों में 7 चौकों और 3 छक्कों की मदद से नाबाद 86 रन कूट डाले। हालांकि, इस दौरान ऑस्ट्रेलियाई फील्डर्स ने उन्हें तीन जीवनदान भी दिए। कूपर कॉनोली, ओलिवर पीक और एडम जम्पा ने उनके कैच छोड़े, जिसका मोसाद्देक ने पूरा फायदा उठाया। उनके अलावा कप्तान नजमुल हुसैन शांतो ने 67 और ओपनर तंजीद हसन ने 54 रनों की महत्वपूर्ण पारियां खेलीं। ऑस्ट्रेलिया की तरफ से नाथन एलिस सबसे सफल गेंदबाज रहे, जिन्होंने 38 रन देकर 3 विकेट लिए। खिलाड़ियों की कसी फील्डिंग ऑस्ट्रेलियाई टीम की शुरुआत बेहद खराब रही और पारी की पहली ही गेंद पर ओपनर मैथ्यू शॉट को तस्कीन अहमद ने बोल्ड कर दिया। खराब फॉर्म से जूझ रहे मार्नस लाबुशेन भी सिर्फ 1 रन बनाकर मुस्तफिजुर रहमान का शिकार बने। पाकिस्तान के खिलाफ पिछली सीरीज में 0, 5 और 19 रन बनाने वाले लाबुशेन का फ्लॉप शो यहां भी जारी रहा। मिडिल ऑर्डर में कूपर कॉनोली (35) ने कप्तान जोश इंग्लिस (19) और एलेक्स कैरी (47) के साथ छोटी साझेदारियां कर पारी को संभालने की कोशिश की, लेकिन वे टीम को संकट से नहीं निकाल सके। नाहिद राणा की 140 किमी/घंटे की रफ्तार से गेंदबाजी बांग्लादेश के युवा तेज गेंदबाज नाहिद राणा ने अपनी रफ्तार से ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजों को खूब परेशान किया। लगातार 140 किलोमीटर प्रति घंटे से ज्यादा की स्पीड से गेंदबाजी करते हुए राणा ने 41 रन देकर 4 विकेट चटकाए। उन्होंने अपने दूसरे स्पेल में घातक गेंदबाजी करते हुए तीन ओवरों में तीन विकेट निकालकर ऑस्ट्रेलिया की कमर तोड़ दी। मोसाद्देक हुसैन ने भी कसी हुई गेंदबाजी की और अपने 10 ओवर के कोटे में सिर्फ 37 रन देकर 2 जरूरी विकेट निकाले। 15 साल बाद दोनों देशों के बीच बाइलेटरल सीरीज ऑस्ट्रेलिया की टीम पूरे 15 साल बाद बांग्लादेश के दौरे पर कोई बाइलेटरल वनडे सीरीज खेल रही है। सीरीज का पहला मैच जीतकर बांग्लादेश ने 1-0 की बढ़त बना ली है। सीरीज के बाकी बचे दोनों मैच भी मीरपुर के इसी मैदान पर गुरुवार और रविवार को खेले जाएंगे।

अमेरिका ने ईरान पर हवाई हमले किए:हेलिकॉप्टर गिराने के बदले में अटैक; तेहरान बोला- हर हमले का जवाब देंगे

अमेरिका ने ईरान पर हवाई हमले किए:हेलिकॉप्टर गिराने के बदले में अटैक; तेहरान बोला- हर हमले का जवाब देंगे

अमेरिकी सेना ने मंगलवार रात ईरान पर हवाई हमले किए हैं। अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने कहा कि सेना ने ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई शुरू की है। सेंटकॉम के मुताबिक, यह हमला होर्मुज स्ट्रेट के पास अमेरिकी सेना के अपाचे हेलिकॉप्टर को गिराए जाने के जवाब में किया गया। इससे पहले ट्रम्प ने सोशल मीडिया पर दावा किया था कि होर्मुज स्ट्रेट के ऊपर गश्त कर रहे अमेरिकी AH-64 अपाचे हेलिकॉप्टर को ईरान ने मार गिराया। हालांकि उन्होंने कहा कि हेलिकॉप्टर में सवार दोनों पायलट सुरक्षित हैं और उन्हें कोई चोट नहीं आई। ट्रम्प ने लिखा था, “अमेरिका को इस हमले का जवाब देना ही होगा।” उधर, ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने अमेरिकी कार्रवाई पर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा, “ईरानी सेना किसी भी हमले या धमकी को बिना जवाब नहीं छोड़ेंगे।” अराघची ने अमेरिका को चेतावनी देते हुए कहा, “अगर सुरक्षित रहना चाहते हैं तो हमारा क्षेत्र छोड़ दें। फारस की खाड़ी का इतिहास बाहरी ताकतों के बुरे अंजामों से भरा है।” हेलिकॉप्टर हादसे को लेकर अलग-अलग रिपोर्टें सामने आई हैं। एक अमेरिकी अधिकारी के मुताबिक, अपाचे हेलिकॉप्टर एक ईरानी ड्रोन से टकराने के बाद दुर्घटनाग्रस्त हुआ था। फिलहाल यह साफ नहीं है कि यह टक्कर जानबूझकर कराई गई थी या हादसा थी। मामले की जांच जारी है। ईरान जंग से जुड़े अपडेट्स के लिए नीचे ब्लॉग से गुजर जाइए…

Sonu Mishra Quits Kala Hiran Film; Claims Threats Over Salman Khan Controversy

Sonu Mishra Quits Kala Hiran Film; Claims Threats Over Salman Khan Controversy

9 मिनट पहलेलेखक: वीरेंद्र मिश्र कॉपी लिंक सोनू मिश्रा फिल्म ‘काला हिरण’ में लीड रोल निभा रहे थे। ‘आपकी जिंदगी का सबसे बड़ा किरदार आपको ऑफर किया जा रहा है…’ 14 अप्रैल को आए एक फोन कॉल से अभिनेता सोनू मिश्रा को लगा कि उनके करियर का बड़ा मोड़ आने वाला है। जल्दबाजी में टिकट भेजी गई, शूट के लिए यूपी बुलाया गया और बताया गया कि फिल्म एक बड़े सुपरस्टार से जुड़ी है। लेकिन सेट पर पहुंचने के बाद चीजें वैसी नहीं निकलीं जैसी उन्हें समझाई गई थीं। स्क्रिप्ट नहीं मिली, एग्रीमेंट नहीं हुआ और कहानी को लेकर सवाल बढ़ते गए। दैनिक भास्कर से बातचीत में सोनू मिश्रा ने बताया कि उन्होंने बीच में ही फिल्म ‘काला हिरण’ छोड़ने का फैसला क्यों लिया और इस विवाद के पीछे क्या हुआ। सोनू मिश्रा 18 सालों से फिल्म इंडस्ट्री में काम कर रहे हैं। फोन आया और कहा गया- आपकी लाइफ का सबसे बड़ा किरदार है सोनू मिश्रा बताते हैं कि 14 अप्रैल को उन्हें अचानक फोन आया। उस वक्त वह एक बड़े प्रोजेक्ट की मीटिंग में थे। कॉल करने वालों ने कहा कि 16 तारीख को फ्री रहिए, आपकी जिंदगी का सबसे बड़ा किरदार आपको ऑफर किया जा रहा है। पहले उन्हें ज्यादा जानकारी नहीं दी गई। सिर्फ इतना बताया गया कि एक सुपरस्टार पर फिल्म बन रही है। सोनू के मुताबिक, वह पहले भी सलमान खान के साथ काम कर चुके थे, इसलिए उन्हें लगा कि यह उनके करियर का बड़ा मौका हो सकता है। जल्दी-जल्दी बुलाया गया, टिकट के पैसे भेजे और सीधे शूटिंग पर पहुंचे सोनू के मुताबिक, उन्हें कहा गया कि शूट बहुत तेजी से करना है और अगले ही दिन यूपी पहुंचना होगा। उन्हें टोकन मनी भेजी गई, जिससे फ्लाइट टिकट बुक हुई। मुंबई से दिल्ली और फिर सड़क मार्ग से शूटिंग लोकेशन पहुंचाया गया। उनका कहना है कि शुरुआत से सब कुछ जल्दबाजी में हो रहा था। लीड रोल था, लेकिन न स्क्रिप्ट मिली, न एग्रीमेंट सोनू कहते हैं कि जब वह सेट पर पहुंचे, तब भी उन्हें किरदार की पूरी जानकारी नहीं दी गई। उन्होंने कई बार पूछा कि स्क्रिप्ट कहां है और एग्रीमेंट कब होगा। उनका कहना है कि इंडस्ट्री में इतने साल काम करने के बाद पहली बार ऐसा हुआ कि लीड रोल होने के बावजूद कोई औपचारिक प्रक्रिया नहीं हुई। फिल्म ‘काला हिरण’ की शूटिंग का कोर्ट वाला सीन सोनू मिश्रा ने दैनिक भास्कर से शेयर किया है। कोर्टरूम सीन करते-करते मुझे लगा मामला कुछ और है सोनू मिश्रा के मुताबिक, शूटिंग के पहले दिन ज्यादातर हिस्सा कोर्टरूम सेटअप में फिल्माया जा रहा था। उनका दावा है कि उन्हें जिस किरदार के लिए बुलाया गया था, वह एक ऐसे व्यक्ति का था, जो कोर्ट के अंदर कटघरे जैसे माहौल में खड़ा दिखाया जा रहा था। सोनू कहते हैं कि शुरुआत में उन्हें बताया गया था कि फिल्म एक घटना और उससे जुड़े पहलुओं पर आधारित होगी, लेकिन शूट के दौरान डायलॉग और सीन देखकर उन्हें लगा कि फिल्म सिर्फ घटनाओं का रीक्रिएशन नहीं कर रही थी। उनके मुताबिक, कोर्टरूम वाले हिस्सों में वकीलों की बहस, आरोपों वाले संवाद और किरदार पर सवाल उठाने वाले सीन शूट किए जा रहे थे। सोनू का दावा है कि उन्हें लगा कि कहानी में एक पक्ष ज्यादा मजबूत तरीके से सामने आ रहा है। सोनू कहते हैं कि उन्हें इसी दौरान पहली बार महसूस हुआ कि जिस तरह प्रोजेक्ट समझाकर बुलाया गया था और सेट पर जो शूट हो रहा था, दोनों में अंतर है। उनके अनुसार, उसी दिन उन्होंने टीम से स्क्रिप्ट और एग्रीमेंट मांगा, ताकि पूरी कहानी समझ सकें। लेकिन उन्हें कहा गया कि शूट जल्दी खत्म करना है और बाद में बाकी चीजें पूरी कर ली जाएंगी। सोनू का कहना है कि पहले दिन के शूट के बाद उनके मन में सवाल उठने लगे और दूसरे दिन तक उन्होंने तय कर लिया कि बिना पूरी स्पष्टता के वह इस फिल्म का हिस्सा आगे नहीं बनना चाहते। सोनू मिश्रा ने सलमान की फिल्म ‘सिकंदर’ में एक कॉन्स्टेबल का रोल प्ले किया था। दूसरे दिन लगा कि मुझे पूरी बात नहीं बताई गई सोनू मिश्रा बताते हैं कि पहले दिन के बाद उनके मन में कई सवाल थे। इसलिए दूसरे दिन वह इस उम्मीद के साथ सेट पर पहुंचे कि अब उन्हें स्क्रिप्ट, एग्रीमेंट और कहानी की पूरी दिशा समझाई जाएगी। उनके मुताबिक, दूसरे दिन भी शूटिंग जारी रही, लेकिन चीजें पहले दिन जैसी ही रहीं। उन्होंने दोबारा टीम से पूछा कि फिल्म की कहानी क्या है, किरदार किस दिशा में जा रहा है और आधिकारिक प्रक्रिया कब पूरी होगी। सोनू का दावा है कि उन्हें लगातार यही कहा गया कि शूट जल्दी खत्म करना है और बाकी औपचारिकताएं बाद में पूरी कर ली जाएंगी। उनके मुताबिक, इसी दौरान उन्हें महसूस हुआ कि फिल्म का नैरेटिव उस तरह नहीं जा रहा था, जैसा शुरुआत में समझाया गया था। सोनू कहते हैं कि दूसरे दिन तक उन्हें लगने लगा था कि वह पूरी जानकारी के साथ इस प्रोजेक्ट का हिस्सा नहीं बने हैं। उनके मुताबिक, कहानी, शूट और बातचीत- तीनों में उन्हें स्पष्टता नहीं मिल रही थी। उन्होंने कहा कि उसी दिन उन्होंने मन बना लिया था कि अगर स्क्रिप्ट और एग्रीमेंट के जरिए पूरी तस्वीर साफ नहीं की गई, तो वह आगे फिल्म का हिस्सा नहीं बनेंगे। हालांकि उस समय उन्होंने तुरंत फिल्म छोड़ने की घोषणा नहीं की। उनके मुताबिक, वह प्रोफेशनल तरीके से चीजों को मौका देना चाहते थे और इंतजार कर रहे थे कि शायद आगे चीजें स्पष्ट हो जाएं। लेकिन दूसरे दिन तक उन्होंने लगभग तय कर लिया था कि वह इस प्रोजेक्ट से बाहर निकल जाएंगे। एग्रीमेंट दिखाया गया, यहीं सबसे बड़ा झटका लगा सोनू बताते हैं कि कुछ दिनों बाद मेकर्स से मुलाकात हुई। उन्हें लगा कि अब औपचारिक तरीके से आगे बढ़ेंगे। लेकिन उनके मुताबिक, एग्रीमेंट में प्रमोशन से जुड़ी कुछ शर्तें थीं, जिनसे वह सहमत नहीं थे। “मैंने वहीं एग्रीमेंट फाड़ दिया।” सोनू कहते हैं कि उन्होंने उसी वक्त साफ कर दिया कि वह इस तरीके से काम नहीं करेंगे। उनका कहना है कि उन्होंने वहीं फिल्म छोड़ने का फैसला ले लिया। वॉइस नोट में

Sonu Mishra Quits Kala Hiran Film; Claims Threats Over Salman Khan Controversy

Sonu Mishra Quits Kala Hiran Film; Claims Threats Over Salman Khan Controversy

1 घंटे पहलेलेखक: वीरेंद्र मिश्र कॉपी लिंक सोनू मिश्रा फिल्म ‘काला हिरण’ में लीड रोल निभा रहे थे। ‘आपकी जिंदगी का सबसे बड़ा किरदार आपको ऑफर किया जा रहा है…’ 14 अप्रैल को आए एक फोन कॉल से अभिनेता सोनू मिश्रा को लगा कि उनके करियर का बड़ा मोड़ आने वाला है। जल्दबाजी में टिकट भेजी गई, शूट के लिए यूपी बुलाया गया और बताया गया कि फिल्म एक बड़े सुपरस्टार से जुड़ी है। लेकिन सेट पर पहुंचने के बाद चीजें वैसी नहीं निकलीं जैसी उन्हें समझाई गई थीं। स्क्रिप्ट नहीं मिली, एग्रीमेंट नहीं हुआ और कहानी को लेकर सवाल बढ़ते गए। दैनिक भास्कर से बातचीत में सोनू मिश्रा ने बताया कि उन्होंने बीच में ही फिल्म ‘काला हिरण’ छोड़ने का फैसला क्यों लिया और इस विवाद के पीछे क्या हुआ। सोनू मिश्रा 18 सालों से फिल्म इंडस्ट्री में काम कर रहे हैं। फोन आया और कहा गया- आपकी लाइफ का सबसे बड़ा किरदार है सोनू मिश्रा बताते हैं कि 14 अप्रैल को उन्हें अचानक फोन आया। उस वक्त वह एक बड़े प्रोजेक्ट की मीटिंग में थे। कॉल करने वालों ने कहा कि 16 तारीख को फ्री रहिए, आपकी जिंदगी का सबसे बड़ा किरदार आपको ऑफर किया जा रहा है। पहले उन्हें ज्यादा जानकारी नहीं दी गई। सिर्फ इतना बताया गया कि एक सुपरस्टार पर फिल्म बन रही है। सोनू के मुताबिक, वह पहले भी सलमान खान के साथ काम कर चुके थे, इसलिए उन्हें लगा कि यह उनके करियर का बड़ा मौका हो सकता है। जल्दी-जल्दी बुलाया गया, टिकट के पैसे भेजे और सीधे शूटिंग पर पहुंचे सोनू के मुताबिक, उन्हें कहा गया कि शूट बहुत तेजी से करना है और अगले ही दिन यूपी पहुंचना होगा। उन्हें टोकन मनी भेजी गई, जिससे फ्लाइट टिकट बुक हुई। मुंबई से दिल्ली और फिर सड़क मार्ग से शूटिंग लोकेशन पहुंचाया गया। उनका कहना है कि शुरुआत से सब कुछ जल्दबाजी में हो रहा था। लीड रोल था, लेकिन न स्क्रिप्ट मिली, न एग्रीमेंट सोनू कहते हैं कि जब वह सेट पर पहुंचे, तब भी उन्हें किरदार की पूरी जानकारी नहीं दी गई। उन्होंने कई बार पूछा कि स्क्रिप्ट कहां है और एग्रीमेंट कब होगा। उनका कहना है कि इंडस्ट्री में इतने साल काम करने के बाद पहली बार ऐसा हुआ कि लीड रोल होने के बावजूद कोई औपचारिक प्रक्रिया नहीं हुई। फिल्म ‘काला हिरण’ की शूटिंग का कोर्ट वाला सीन सोनू मिश्रा ने दैनिक भास्कर से शेयर किया है। कोर्टरूम सीन करते-करते मुझे लगा मामला कुछ और है सोनू मिश्रा के मुताबिक, शूटिंग के पहले दिन ज्यादातर हिस्सा कोर्टरूम सेटअप में फिल्माया जा रहा था। उनका दावा है कि उन्हें जिस किरदार के लिए बुलाया गया था, वह एक ऐसे व्यक्ति का था, जो कोर्ट के अंदर कटघरे जैसे माहौल में खड़ा दिखाया जा रहा था। सोनू कहते हैं कि शुरुआत में उन्हें बताया गया था कि फिल्म एक घटना और उससे जुड़े पहलुओं पर आधारित होगी, लेकिन शूट के दौरान डायलॉग और सीन देखकर उन्हें लगा कि फिल्म सिर्फ घटनाओं का रीक्रिएशन नहीं कर रही थी। उनके मुताबिक, कोर्टरूम वाले हिस्सों में वकीलों की बहस, आरोपों वाले संवाद और किरदार पर सवाल उठाने वाले सीन शूट किए जा रहे थे। सोनू का दावा है कि उन्हें लगा कि कहानी में एक पक्ष ज्यादा मजबूत तरीके से सामने आ रहा है। सोनू कहते हैं कि उन्हें इसी दौरान पहली बार महसूस हुआ कि जिस तरह प्रोजेक्ट समझाकर बुलाया गया था और सेट पर जो शूट हो रहा था, दोनों में अंतर है। उनके अनुसार, उसी दिन उन्होंने टीम से स्क्रिप्ट और एग्रीमेंट मांगा, ताकि पूरी कहानी समझ सकें। लेकिन उन्हें कहा गया कि शूट जल्दी खत्म करना है और बाद में बाकी चीजें पूरी कर ली जाएंगी। सोनू का कहना है कि पहले दिन के शूट के बाद उनके मन में सवाल उठने लगे और दूसरे दिन तक उन्होंने तय कर लिया कि बिना पूरी स्पष्टता के वह इस फिल्म का हिस्सा आगे नहीं बनना चाहते। सोनू मिश्रा ने सलमान की फिल्म ‘सिकंदर’ में एक कॉन्स्टेबल का रोल प्ले किया था। दूसरे दिन लगा कि मुझे पूरी बात नहीं बताई गई सोनू मिश्रा बताते हैं कि पहले दिन के बाद उनके मन में कई सवाल थे। इसलिए दूसरे दिन वह इस उम्मीद के साथ सेट पर पहुंचे कि अब उन्हें स्क्रिप्ट, एग्रीमेंट और कहानी की पूरी दिशा समझाई जाएगी। उनके मुताबिक, दूसरे दिन भी शूटिंग जारी रही, लेकिन चीजें पहले दिन जैसी ही रहीं। उन्होंने दोबारा टीम से पूछा कि फिल्म की कहानी क्या है, किरदार किस दिशा में जा रहा है और आधिकारिक प्रक्रिया कब पूरी होगी। सोनू का दावा है कि उन्हें लगातार यही कहा गया कि शूट जल्दी खत्म करना है और बाकी औपचारिकताएं बाद में पूरी कर ली जाएंगी। उनके मुताबिक, इसी दौरान उन्हें महसूस हुआ कि फिल्म का नैरेटिव उस तरह नहीं जा रहा था, जैसा शुरुआत में समझाया गया था। सोनू कहते हैं कि दूसरे दिन तक उन्हें लगने लगा था कि वह पूरी जानकारी के साथ इस प्रोजेक्ट का हिस्सा नहीं बने हैं। उनके मुताबिक, कहानी, शूट और बातचीत- तीनों में उन्हें स्पष्टता नहीं मिल रही थी। उन्होंने कहा कि उसी दिन उन्होंने मन बना लिया था कि अगर स्क्रिप्ट और एग्रीमेंट के जरिए पूरी तस्वीर साफ नहीं की गई, तो वह आगे फिल्म का हिस्सा नहीं बनेंगे। हालांकि उस समय उन्होंने तुरंत फिल्म छोड़ने की घोषणा नहीं की। उनके मुताबिक, वह प्रोफेशनल तरीके से चीजों को मौका देना चाहते थे और इंतजार कर रहे थे कि शायद आगे चीजें स्पष्ट हो जाएं। लेकिन दूसरे दिन तक उन्होंने लगभग तय कर लिया था कि वह इस प्रोजेक्ट से बाहर निकल जाएंगे। एग्रीमेंट दिखाया गया, यहीं सबसे बड़ा झटका लगा सोनू बताते हैं कि कुछ दिनों बाद मेकर्स से मुलाकात हुई। उन्हें लगा कि अब औपचारिक तरीके से आगे बढ़ेंगे। लेकिन उनके मुताबिक, एग्रीमेंट में प्रमोशन से जुड़ी कुछ शर्तें थीं, जिनसे वह सहमत नहीं थे। “मैंने वहीं एग्रीमेंट फाड़ दिया।” सोनू कहते हैं कि उन्होंने उसी वक्त साफ कर दिया कि वह इस तरीके से काम नहीं करेंगे। उनका कहना है कि उन्होंने वहीं फिल्म छोड़ने का फैसला ले लिया। वॉइस नोट में

Adani Acquires Intellismart for ₹3,050 Cr; Becomes Indias Largest Smart Meter Firm

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Hindi News Business Adani Acquires Intellismart For ₹3,050 Cr; Becomes Indias Largest Smart Meter Firm मुंबई8 मिनट पहले कॉपी लिंक अडाणी एनर्जी सॉल्यूशंस लिमिटेड (एईएसएल) ने इंटेलिस्मार्ट इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी को खरीद लिया है। यह सौदा पूरे 3,050 करोड़ रुपए में हुआ है। इसके तहत एईएसएल को इंटेलिस्मार्ट की पूरी 100% हिस्सेदारी मिलेगी। इंटेलिस्मार्ट भारत की प्रमुख स्मार्ट मीटरिंग कंपनियों में से एक है। कंपनी के पास यूपी, गुजरात, एमपी, बिहार और असम में 2.2 करोड़ से अधिक स्मार्ट मीटर हैं। इस अधिग्रहण के बाद एईएसएल के कुल स्मार्ट मीटरों की संख्या बढ़कर 4.7 करोड़ से अधिक हो जाएगी। इसके साथ ही एईएसएल देश की सबसे बड़ी स्मार्ट मीटर कंपनी बन गई है। इंटेलिस्मार्ट एनआईआईएफ और ईईएसएल का संयुक्त उपक्रम है। इस सौदे में पूरी इक्विटी का अधिग्रहण शामिल है। इसके साथ अडाणी इस कंपनी में एनआईआईएफ का पूरा बकाया कर्ज भी चुकाएगी। AESL के स्मार्ट मीटरिंग बिजनेस में अभी 2.46 करोड़ से ज्यादा मीटर वहीं, AESL के स्मार्ट मीटरिंग बिजनेस में अभी 2.46 करोड़ से ज्यादा मीटर का ऑर्डर बुक है। अधिग्रहण के बाद कंपनी के पास 4.7 करोड़ स्मार्ट मीटर का पोर्टफोलियो होगा और इससे भारत के स्मार्ट मीटरिंग मार्केट में अडाणी एनर्जी सॉल्यूशंस की टॉप पोजीशन को और मजबूत होगी। अडाणी एनर्जी सॉल्यूशंस का कहना है कि इस अधिग्रहण के बाद उसके पास 4.7 करोड़ से अधिक स्मार्ट मीटर का पोर्टफोलियो होगा। इससे कंपनी भारत की सबसे बड़ी स्मार्ट मीटरिंग प्लेटफॉर्म बन जाएगी। स्मार्ट मीटर बिजली उपभोक्ताओं को रियल टाइम बिजली खपत की जानकारी देने, बिलिंग में पारदर्शिता लाने और बिजली चोरी रोकने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। केंद्र सरकार भी देशभर में स्मार्ट मीटर लगाने की योजना को तेजी से आगे बढ़ा रही है। ऐसे में यह अधिग्रहण भविष्य के लिहाज से काफी रणनीतिक माना जा रहा है। उपभोक्ताओं को सटीक बिजली बिल मिलेंगे: CEO अडाणी एनर्जी के CEO कंदर्प पटेल ने कहा कि IntelliSmart का अधिग्रहण कंपनी की क्षमता और निष्पादन शक्ति को और मजबूत करेगा। इससे भारत के बिजली वितरण क्षेत्र के आधुनिकीकरण में तकनीक आधारित समाधान उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी। साथ ही बड़े स्तर पर संचालन होने से लागत में कमी आएगी और बेहतर दक्षता हासिल होगी। इससे आम उपभोक्ताओं को सटीक बिजली बिल मिलेंगे और गलत बिलों की समस्या खत्म होगी। —————— ये खबर भी पढ़ें…. अडाणी पावर का चौथी तिमाही में मुनाफा 64% बढ़ा:यह ₹4,271 करोड़ रहा, इनकम भी 10% बढ़ी अडाणी पावर ने वित्त वर्ष 2026 की चौथी तिमाही के नतीजे जारी कर दिए हैं, जिसमें कंपनी का कॉन्सोलिडेटेड नेट प्रॉफिट सालाना आधार पर 64% बढ़कर ₹4,271 करोड़ पर पहुंच गया है। पिछले साल इसी तिमाही में कंपनी को ₹2,599 करोड़ का मुनाफा हुआ था। पूरी खबर पढ़ें… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔

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Hindi News Business Adani Acquires Intellismart For ₹3,050 Cr; Becomes Indias Largest Smart Meter Firm मुंबई1 घंटे पहले कॉपी लिंक अडाणी एनर्जी सॉल्यूशंस लिमिटेड (एईएसएल) ने इंटेलिस्मार्ट इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी को खरीद लिया है। यह सौदा पूरे 3,050 करोड़ रुपए में हुआ है। इसके तहत एईएसएल को इंटेलिस्मार्ट की पूरी 100% हिस्सेदारी मिलेगी। इंटेलिस्मार्ट भारत की प्रमुख स्मार्ट मीटरिंग कंपनियों में से एक है। कंपनी के पास यूपी, गुजरात, एमपी, बिहार और असम में 2.2 करोड़ से अधिक स्मार्ट मीटर हैं। इस अधिग्रहण के बाद एईएसएल के कुल स्मार्ट मीटरों की संख्या बढ़कर 4.7 करोड़ से अधिक हो जाएगी। इसके साथ ही एईएसएल देश की सबसे बड़ी स्मार्ट मीटर कंपनी बन गई है। इंटेलिस्मार्ट एनआईआईएफ और ईईएसएल का संयुक्त उपक्रम है। इस सौदे में पूरी इक्विटी का अधिग्रहण शामिल है। इसके साथ अडाणी इस कंपनी में एनआईआईएफ का पूरा बकाया कर्ज भी चुकाएगी। AESL के स्मार्ट मीटरिंग बिजनेस में अभी 2.46 करोड़ से ज्यादा मीटर वहीं, AESL के स्मार्ट मीटरिंग बिजनेस में अभी 2.46 करोड़ से ज्यादा मीटर का ऑर्डर बुक है। अधिग्रहण के बाद कंपनी के पास 4.7 करोड़ स्मार्ट मीटर का पोर्टफोलियो होगा और इससे भारत के स्मार्ट मीटरिंग मार्केट में अडाणी एनर्जी सॉल्यूशंस की टॉप पोजीशन को और मजबूत होगी। अडाणी एनर्जी सॉल्यूशंस का कहना है कि इस अधिग्रहण के बाद उसके पास 4.7 करोड़ से अधिक स्मार्ट मीटर का पोर्टफोलियो होगा। इससे कंपनी भारत की सबसे बड़ी स्मार्ट मीटरिंग प्लेटफॉर्म बन जाएगी। स्मार्ट मीटर बिजली उपभोक्ताओं को रियल टाइम बिजली खपत की जानकारी देने, बिलिंग में पारदर्शिता लाने और बिजली चोरी रोकने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। केंद्र सरकार भी देशभर में स्मार्ट मीटर लगाने की योजना को तेजी से आगे बढ़ा रही है। ऐसे में यह अधिग्रहण भविष्य के लिहाज से काफी रणनीतिक माना जा रहा है। उपभोक्ताओं को सटीक बिजली बिल मिलेंगे: CEO अडाणी एनर्जी के CEO कंदर्प पटेल ने कहा कि IntelliSmart का अधिग्रहण कंपनी की क्षमता और निष्पादन शक्ति को और मजबूत करेगा। इससे भारत के बिजली वितरण क्षेत्र के आधुनिकीकरण में तकनीक आधारित समाधान उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी। साथ ही बड़े स्तर पर संचालन होने से लागत में कमी आएगी और बेहतर दक्षता हासिल होगी। इससे आम उपभोक्ताओं को सटीक बिजली बिल मिलेंगे और गलत बिलों की समस्या खत्म होगी। —————— ये खबर भी पढ़ें…. अडाणी पावर का चौथी तिमाही में मुनाफा 64% बढ़ा:यह ₹4,271 करोड़ रहा, इनकम भी 10% बढ़ी अडाणी पावर ने वित्त वर्ष 2026 की चौथी तिमाही के नतीजे जारी कर दिए हैं, जिसमें कंपनी का कॉन्सोलिडेटेड नेट प्रॉफिट सालाना आधार पर 64% बढ़कर ₹4,271 करोड़ पर पहुंच गया है। पिछले साल इसी तिमाही में कंपनी को ₹2,599 करोड़ का मुनाफा हुआ था। पूरी खबर पढ़ें… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔