PM Modi Inaugurates International Stadium Odisha

Hindi News Career PM Modi Inaugurates International Stadium Odisha | June 25 Current Affairs 17 मिनट पहले कॉपी लिंक आज के प्रमुख करेंट अफेयर्स, जो सरकारी नौकरियों की तैयारी कर रहे स्टूडेंट्स के लिए जरूरी हैं- नेशनल (NATIONAL) 1. पीएम मोदी ने ओडिशा में इंटरनेशनल खेल स्टेडियम का उद्घाटन किया 24 जून को पीएम नरेंद्र मोदी ने ओडिशा में इंटरनेशनल खेल स्टेडियम का उद्घाटन किया। ये स्टेडियम राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के होमटाउन मयूरभंज जिले में बनाया गया है। साउथ एशिया की प्रमुख स्पोर्ट्स इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी, ‘ग्रेट स्पोर्ट्स टेक’ ने इस स्टेडियम को डिजाइन किया है। इस स्टेडियम का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों के युवाओं को खेलों में आगे बढ़ने के मौके देना है। इस स्टेडियम में FIFA के स्टैंडर्ड का एक फुटबॉल मैदान, वर्ल्ड एथलेटिक्स से सर्टिफाइड रनिंग ट्रैक और टेनिस और पिकलबॉल कोर्ट बनाए गए हैं। इस स्टेडियम में रात में भी मैच खेले जा सकेंगे। इसमें इवेंट्स आयोजित करने के लिए आधुनिक लाइटिंग की सुविधा है। इस स्टेडियम में फुटबॉल, एथलेटिक्स, हॉकी, टेनिस, क्रिकेट और मल्टी-स्पोर्ट इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार किया गया है। स्पोर्ट्स (SPORTS) 2. फुटबॉलर रोनाल्डो 6 वर्ल्ड कप में गोल करने वाले पहले प्लेयर बने 24 जून को पुर्तगाल के कप्तान क्रिस्टियानो रोनाल्डो 6 फुटबॉल वर्ल्डकप में गोल करने वाले दुनिया के पहले खिलाड़ी बन गए हैं। 41 साल के रोनाल्डो ने ह्यूस्टन स्टेडियम में उज्बेकिस्तान के खिलाफ छठे मिनट में गोल दागकर ये रिकॉर्ड बनाया है। इसके बाद उन्होंने 39वें मिनट में दूसरा गोल भी किया। इन्हीं गोल की मदद से पुर्तगाल ने 5-0 की जीत हासिल की। रोनाल्डो पुर्तगाल के लिए वर्ल्डकप में सबसे ज्यादा गोल करने वाले प्लेयर भी बने। उनके नाम 10 गोल हैं। उन्होंने पुर्तगाल के स्ट्राइकर यूसेबियो के 9 गोल को पीछे छोड़ा है। रोनाल्डो इंटरनेशनल फुटबॉल में उनकी उत्कृष्ट उपलब्धियों के लिए उन्हें 2021 में FIFA ने ‘आउटस्टैंडिंग करियर अचीवमेंट’ पुरस्कार से सम्मानित किया था। रोनाल्डो 5 बैलोन डी’ जीत चुके हैं और 2 बार FIFA बेस्ट प्लेयर का अवार्ड भी जीत चुके हैं। रोनाल्डो ने 2006, 2010, 2014, 2018, 2022 और अब 2026 वर्ल्डकप में गोल किया है। उनके बाद अर्जेंटीना के कप्तान लियोनेल मेसी हैं। निधन (DEATH) 3. एविएटर स्टूडियो के फाउंडर तेइमुराज उगुलवा का निधन 23 जून को एविएटर (Aviator) गेम स्टूडियो के फाउंडर तेइमुराज उगुलवा का निधन हो गया। वे 56 साल के थे। उगुलावा को जॉर्जिया के आधुनिक हॉस्पिटैलिटी और गेमिंग उद्योग के विकास में महत्वपूर्ण योगदान के लिए जाना जाता है। उगुलवा ने अदरजा ग्रुप की स्थापना की थी, बाद में वे एविएटर ब्रांड और एविएटर स्टूडियो से भी जुड़े रहे। उगुलवा ने Rooms Hotels, Stamba Hotel, Fabrika Tbilisi और अन्य प्रतिष्ठित प्रोजेक्ट्स के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। इन प्रोजेक्ट्स ने जॉर्जिया के आधुनिक पर्यटन उद्योग को वैश्विक पहचान दिलाई। ‘रूम्स होटल्स’ जॉर्जिया का एक लाइफस्टाइल हॉस्पिटैलिटी ब्रांड है, जो डिजाइन पर केंद्रित बुटीक होटलों का संचालन करता है। 2012 में शुरू हुआ यह ब्रांड, इंडस्ट्रियल-स्टाइल आर्किटेक्चर, लोकल कल्चर और हॉस्पिटैलिटी के अनूठे मेल के लिए जाना जाता है। उगुलवा ‘एविएटर स्टूडियो’ के फाउंडर और CEO थे। नेशनल (NATIONAL) 4. NHAI देश का पहला ट्रांसपोर्ट लॉजिसटिक रिसर्च सेंटर शुरू करेगा 23 जून को केंद्र सरकार ने दिल्ली में भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) का पहला ट्रांसपोर्ट लॉजिसटिक रिसर्च सेंटर स्थापित करने का ऐलान किया। NHAI ने नेशनल काउंसिल ऑफ इकोनॉमिक रिसर्च (NCAER) के साथ ये समझौता (MoU) किया है। इस सेंटर का उद्देश्य भारत में लॉजिस्टिक्स कॉस्ट को कम करना और ट्रांसपोर्ट नेटवर्क को आधुनिक बनाना है। ये सेंटर स्मार्ट हाईवे, रियल टाइम ट्रांसपोर्ट को मॉनिटर करेगा, मल्टी-मॉडल पॉलिसी, टोल पॉलिसी और रोड सेफ्टी पर रिसर्च करेगा। ये भारत का पहला स्थाई और स्वतंत्र संस्थान होगा, जो परिवहन और लॉजिस्टिक्स के आर्थिक पहलुओं पर शोध करेगा। रिसर्च सेंटर में बेहतर डेटा एनालिटिक्स और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंसी (AI) का उपयोग ट्रांसपोर्ट मैनेजमेंट के लिए किया जाएगा। NHAI इस प्रोजेक्ट के लिए प्रमुख एजुकेशनल इंस्टीट्यूट के साथ मिलकर भी काम करेगा। भारत का लक्ष्य अपनी लॉजिस्टिक्स कैपिसिटी को ग्लोबल स्टैंडर्ड पर लाना और सड़क दुर्घटनाओं को कम करना है। ये सेंटर सड़क दुर्घटनाओं को कम करने के लिए नई टेक्नोलॉजी और डिजाइनों की टेस्टिंग भी करेगा। इस रिसर्च में सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय, NHAI और अन्य सरकारी एजेंसियों को मदद मिलेगी। मिसलीनियस (MISCELLENEOUS) 5. भारत और इजराइल ने ऑडिटिंग के लिए एक MoU साइन किया 22 जून को ये MoU भारत के नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (CAG) और इजराइल की सर्वोच्च लेखा परीक्षा संस्था (State Comptroller and Ombudsman) के बीच हुआ है। भारत और इजराइल के बीच पब्लिक सेक्टर ऑडिटिंग यानी, सरकारी मंत्रालयों, विभागों, एजेंसियों के के वित्तीय लेनदेन और कामकाज की स्वतंत्र जांच करेंगे। इस समझौते का उद्देश्य दोनों देशों के बीच ऑडिट के क्षेत्र में बेहतर तकनीक को साझा करना है। जिससे सरकारी खर्चों में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित हो सके। इस MoU के तहत दोनों देशों के ऑडिट ऑफिसर के लिए ट्रेनिंग कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे। इस MoU के बाद डिजिटल ऑडिट, IT ऑडिट और डेटा एनालिटिक्स के क्षेत्र में सहयोग बढ़ सकेगा। ये MoU इजरायल के राज्य नियंत्रक व लोकपाल और EUROSI के चेयरमैन मतन्याहू एंग्लमैन के भारत दौरे के समय हुआ। इस मौके पर भारत के नियंत्रक और महालेखा परीक्षक के. संजय मूर्ति ने मतन्याहू एंग्लमैन के साथ द्विपक्षीय बैठक भी की। इस बैठक में CAG ऑफिस से डिप्टी कंट्रोलर और ऑडिटर जनरल (एचआर, आईआर, लीगल और कोऑर्डिनेशन) के.एस. सुब्रमण्यम, मुख्य टेक्नोलॉजी ऑफिसर (CTO) बीके. मोहंती मौजूद रहे। इसके साथ ही डायरेक्टर जनरल (इंटरनेशनल रिलेशन) विमलेंद्र पटवर्धन भारत में इजरायल के राजदूत रूवेन अजार और इजरायल के राज्य नियंत्रक अंतरराष्ट्रीय विभाग की प्रमुख मिरी वीस शामिल हुईं। ये MoU सरकार के वित्तीय प्रबंधन में पारदर्शिता, जवाबदेही को मजबूत करेगा। 6. इंडोनेशिया में वॉकिंग शार्क की प्रजाति मिली 22 जून को वैज्ञानिकों ने इंडोनेशिया के जलक्षेत्र में ‘वॉकिंग शार्क’ की एक नई प्रजाति की पहचान की है और इसे कादेदेकेदेवा नाम दिया गया है। ये शार्क समुद्र की तलहटी पर अपने पंखों (fins) से चल सकती है, इसलिए इसे वॉकिंग शार्क कहा जा रहा है। ये शार्क मुख्य रूप से उथले कोरल रीफ हिस्सों में पाई जाती है। इस खोज से इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में कोरल रीफ इकोसिस्टम संरक्षण बढ़ाया जा
भारत को विमेंस टी-20 वर्ल्डकप में बांग्लादेश नहीं हरा पाया:आज टूर्नामेंट में चौथी बार भिड़ेंगे; सेमीफाइनल के लिए इंडिया का जीतना जरूरी

विमेंस टी-20 वर्ल्ड कप में आज भारत का मुकाबला बांग्लादेश से होगा। मैच शाम 7 बजे से मैनचेस्टर में खेला जाएगा। टूर्नामेंट में भारत को बांग्लादेश अब तक नहीं हरा पाया है। दोनों टीमों के हुए 3 मुकाबले भारत ने जीते हैं। दिन का दूसरा मुकाबला साउथ अफ्रीका और नीदरलैंड के बीच होगा। सेमीफाइनल के लिए भारत और साउथ अफ्रीका को हर हाल में अपने-अपने मैच जीतने होंगे। ग्रुप-A में शामिल दोनों टीमें के 3 मैचों में 4-4 अंक हैं। पिछले मैच में साउथ अफ्रीका ने भारत को हराया था। बांग्लादेश के खिलाफ भारत का पलड़ा भारी टी-20 में दोनों टीमें अब तक 23 बार आमने-सामने आई हैं। इनमें भारत ने 20 मुकाबले जीते हैं। बांग्लादेश सिर्फ 3 ही जीत सकी हैं। इस वर्ल्डकप में बांग्लादेश ने 3 में से 2 मुकाबले जीते हैं। वह 4 अंकों के साथ चौथे स्थान पर है। उसके लिए भी यह मैच जीतना जरूरी है। स्मृति और श्री चरणी टॉप परफॉर्मर भारतीय ओपनर स्मृति मंधाना ने इस वर्ल्डकप में 3 मैचों में 154.36 की स्ट्राइक रेट से 159 रन बनाए हैं। उनका बेस्ट स्कोर 74 रन रहा है। गेंदबाजी में श्री चरणी टूर्नामेंट की सबसे सफल गेंदबाज रही हैं। उन्होंने 3 मैचों में 10 विकेट लिए हैं। उनकी इकोनॉमी सिर्फ 5.33 रही है। पारी में उनका बेस्ट प्रदर्शन 19 रन देकर 4 विकेट है। इन दोनों के अलावा जेमिमा रोड्रिग्स पर भी नजर रहेगी। वह अब तक टूर्नामेंट में सिर्फ 32 रन बना सकी है। वह बांग्लादेश के स्पिनर्स के खिलाफ अहम साबित हो सकती हैं। 2025 से स्पिनर्स के खिलाफ टी-20 में उनका औसत 40.85 और स्ट्राइक रेट 143.71 रहा है। भारत प्लेइंग-11 में बदलाव कर सकता है। प्रेमा रावत की जगह राधा यादव इस मैच में खेल सकती हैं। जुआरिया और संजीदा की बांग्लादेश पर नजर बांग्लादेश के लिए जुआरिया फिरदौस ने इस वर्ल्डकप में सबसे ज्यादा रन बनाए हैं। उन्होंने 3 मैचों में 65 रन बनाए हैं। 50 रन उनका बेस्ट स्कोर रहा है। गेंदबाजी में संजीदा अख्तर मेघला टीम की मुख्य ताकत हैं। उन्होंने 2 मैचों में 4 विकेट हासिल किए हैं। इस दौरान उनकी इकोनॉमी 6.25 रही है। मैनचेस्टर में स्पिनर्स का दबदबा मैनचेस्टर में इस वर्ल्डकप के दौरान स्पिन गेंदबाजों का प्रदर्शन बेहतर रहा है। यहां स्पिनर्स ने 22 विकेट लिए हैं, जबकि पेसर्स को 19 विकेट मिले हैं। स्पिनर्स की इकोनॉमी भी बेहतर रही है। दोनों टीमें एक्स्ट्रा स्पिनर के साथ मैदान पर उतर सकती हैं। पॉसिबल प्लेइंग-11 भारत: शेफाली वर्मा, स्मृति मंधाना, जेमिमा रोड्रिग्स, हरमनप्रीत कौर (कप्तान), यास्तिका भाटिया/भारती फुलमाली, ऋचा घोष (विकेटकीपर), दीप्ति शर्मा, राधा यादव, क्रांति गौड़/अरुंधति रेड्डी, नंदनी शर्मा, एन श्री चरणी। बांग्लादेश: दिलारा अख्तर, जुआरिया फिरदौस, शर्मीन अख्तर, निगार सुल्ताना (कप्तान), शोभना मोस्तरी, रितु मोनी, शूर्णा अख्तर, राबिया खान, नाहिदा अख्तर, मारुफा अख्तर, संजीदा अख्तर मेघला। नीदरलैंड के खिलाफ बड़ी जीत पर साउथ अफ्रीका की नजर साउथ अफ्रीका और नीदरलैंड के बीच अब तक सिर्फ एक टी-20 इंटरनेशनल मैच खेला गया है। 2010 में हुए इस मुकाबले में साउथ अफ्रीका ने 115 रन से जीत दर्ज की थी।नीदरलैंड अपने तीनों मुकाबले हारकर ग्रुप में सबसे निचले पायदान पर है। मारिजन और शबनिम इस्माइल पर नजर साउथ अफ्रीका के लिए मारिजन ने बल्ले और गेंद से शानदर प्रदर्शन किया है। उन्होंने 3 मैचों में 103 रन बनाए हैं और 6 विकेट भी लिए हैं। तेज गेंदबाज शबनिम इस्माइल ने भी 3 मैचों में 4 विकेट हासिल किए हैं। वहीं कप्तान लौरा वोल्वार्ट से बड़ी पारी की उम्मीद होगी। बबेट डी लीडे नीदरलैंड की सबसे बड़ी उम्मीद नीदरलैंड की कप्तान बबेट डी लीडे टीम की टॉप स्कोरर रही हैं। उन्होंने टूर्नामेंट में 50, 28 और नाबाद 56 रन की पारियां खेलते हुए 134 रन बनाए हैं। टीम को उनसे एक और बड़ी पारी की उम्मीद होगी। गेंदबाजी में कैरोलीन डी लांगे ने 3 मैचों में 6 विकेट लिए हैं। हालांकि उनका इकोनॉमी रेट 8.16 रहा है। ब्रिस्टल में चेज करने वाली टीमों का दबदबा ब्रिस्टल में इस वर्ल्ड कप में 3 मैच खेले गए हैं। तीनों मुकाबलें रनचेज करने वाली टीम जीती है। टॉस जीतने वाली टीम पहले गेंदबाजी चुन सकती हैं। दोनों टीमों की पॉसिबल प्लेइंग-11 नीदरलैंड: हीथर सीजर्स, फीबे मोल्केनबोएर, बेबेट डी लीडे (कप्तान/विकेटकीपर), स्टेर कैलिस, रोबाइन रीके, फ्रेडरिक ओवरडिज्क, आइरिस ज्वीलिंग, मिर्ते वैन डेन राड, कैरोलीन डी लांगे, सिल्वर सीजर्स, इसाबेल वैन डेर वोनिंग। साउथ अफ्रीका: लौरा वोल्वार्ट (कप्तान), ताज़मिन ब्रिट्स, एनेरी डेरकसेन, मारिजन काप, नादिन डी क्लर्क, क्लो ट्रायोन, डेन वैन नीकर्क, सिनालो जाफ्ता (विकेटकीपर), शबनीम इस्माइल, अयाबोंगा खाका, नोनकुलुलेको म्लाबा।
करिश्मा कपूर@52, जया बच्चन ने सरेआम कहा बहू:कपूर खानदान की पहली एक्ट्रेस, हनीमून पर पति ने दोस्तों के साथ सोने को कहा

90 के दशक में बॉलीवुड पर राज करने वालीं करिश्मा कपूर आज 52 साल की हो चुकी हैं। 65 से ज्यादा फिल्मों और अनगिनत हिट्स के दम पर सुपरस्टार बनीं करिश्मा को कपूर खानदान की रीत बदलने का क्रेडिट भी दिया जाता है। उनसे पहले कपूर खानदान की महिलाओं पर फिल्मों से जुड़ने पर पाबंदी थी। करिश्मा की कहानी सिर्फ स्टारडम की नहीं, बल्कि अधूरे रिश्तों और विवादों की भी है। कभी अक्षय खन्ना उनसे शादी करना चाहते थे। उनके पिता विनोद खन्ना ने रिश्ता भी भिजवाया, लेकिन करिश्मा की मां बबीता ने रिश्ता ठुकरा दिया। कहा जाता है कि यही वजह है कि अक्षय ने कभी शादी नहीं की। आगे अभिषेक से उनकी शादी की और जया बच्चन ने सार्वजनिक मंच पर उन्हें बहू कहकर मीडिया के सामने इंट्रोड्यूस किया, लेकिन ये शादी भी चर्चा में रहने के बावजूद टूट गई। करिश्मा ने 2003 में बचपन के दोस्त संजय कपूर से शादी की। हालांकि बाद में ये शादी विवादों में बदल गई। करिश्मा ने दावा किया कि हनीमून में पति संजय ने दोस्तों से उनकी बोली लगवाई। करिश्मा ने मारपीट, दहेज प्रताड़ना और टॉर्चर का आरोप लगाते हुए पति से तलाक लिया, लेकिन पूर्व पति की मौत के बाद ये रिश्ता फिर चर्चा में आ गया और आज भी उनकी 3200 करोड़ की प्रॉपर्टी पर कानूनी विवाद जारी है। आज करिश्मा के जन्मदिन के खास मौके पर जानिए, उनके निजी रिश्तों, संजय कपूर से शादी और विवाद की पूरी कहानी- 25 जून 1974 को करिश्मा कपूर का जन्म हिंदी सिनेमा के सबसे प्रतिष्ठित परिवार के एक्टर रणधीर कपूर और एक्ट्रेस बबीता के घर हुआ। उनकी पैदाइश पर पूरा कपूर खानदान ब्रीच कैंडी हॉस्पिटल पहुंचा, लेकिन दादा शो मैन राज कपूर नहीं आए। उन्होंने साफ कहा, ‘बच्ची को देखने तब ही जाऊंगा, जब उसकी आंखें नीली हों।’ खुशकिस्मती से करिश्मा की आंखें गहरी नीली रहीं, हूबहू दादाजी की तरह। घर की पहली बेटी होने पर वो पूरे परिवार की चहेती रहीं। देखिए करिश्मा कपूर के बचपन की तस्वीरें- एक समय में उनकी मां बबीता, जानी-मानी एक्ट्रेस थीं, जिन्होंने कपूर खानदान की बहू बनने के लिए एक्टिंग करियर कुर्बान कर दिया। शादी से कुछ समय पहले उन्होंने 1968 की फिल्म हसीना मान जाएगी में काम किया था। इस फिल्म की शूटिंग, बॉम्बे के बिजनेस टायकून रौनक सिंह के घर में हुई। घर में शूटिंग करते हुए बबीता की दोस्ती रौनक सिंह की बेटी रानी सिंह (बाद में कपूर) से हुई, जो आगे चलकर करिश्मा की सास बनीं। रानी उस वक्त महज 18 साल की थीं। आगे रानी सिंह ने ऑटो पार्ट के नामी बिजनेसमैन सुरिंदर कपूर से शादी की, जिससे उन्हें बेटा संजय कपूर हुआ। समय के साथ बबीता और रानी की दोस्ती गहरी होती रही। वो अक्सर साथ पार्टी करते थे, जिससे बच्चों करिश्मा, करीना, संजय और उनकी बहनों की दोस्ती भी गहरी हुई। करिश्मा कपूर ने मुंबई के कैथेद्रेल एंड जॉन केनन स्कूल से पढ़ाई की। संजय कपूर ने शुरुआत में देहरादून के दून स्कूल से पढ़ाई की लेकिन कुछ सालों में ही उनका दाखिला करिश्मा के स्कूल में करवा दिया गया। दोनों की दोस्ती और बढ़ गई। स्कूलिंग के बाद संजय कपूर पढ़ाई करने विदेश चले गए और करिश्मा की रुचि फिल्मों में बढ़ने लगी और इस तरह दोनों की दोस्ती में दूरी आ गई। दोनों अपनी-अपनी दुनिया में व्यस्त होते चले गए। फिल्मी दुनिया हमेशा से ही करिश्मा को अट्रैक्ट करती थी। बचपन से ही वो दादाजी राज कपूर और पिता रणधीर के फिल्मों के सेट पर जाया करती थीं। वो अक्सर दादाजी से कहती थीं, ‘मैं भी एक दिन हीरोइन बनूंगी’, इस पर राज कपूर उन्हें जवाब देते थे- ‘एक्टर बनना कोई आसान काम नहीं है, अगर तुम एक्टर बनना चाहती हो, तो कांटों पर चलो और मिट्टी पर काम करो ताकि अच्छी एक्टर बन सको। एक्टर को हमेशा बेस्ट बनने का लक्ष्य रखना चाहिए।’ जब एक दिन करिश्मा ने पिता रणधीर से कहा कि उन्हें हीरोइन बनना है, तो पिता ने साफ इनकार कर दिया कि कपूर खानदान की लड़किया एक्टिंग नहीं करेंगी। लेकिन उनकी मां बबीता उनके सपोर्ट में थीं। ये वो दौर था, जब फिल्में न चलने से परेशान होकर वो काफी ज्यादा शराब पीने लगे थे। इससे उनके और बबीता के रिश्ते में भी अनबन चल रही थीं। फिर एक समय ऐसा आया, जब करिश्मा के करियर को सपोर्ट करते हुए बबीता ने 1987 में रणधीर का घर छोड़ दिया। राज कपूर की पोती होने के चलते उन्हें बिना संघर्ष फिल्मों के ऑफर मिलने लगे। 16 की उम्र में उन्होंने एक साथ कई फिल्में साइन कीं। सबसे पहले करिश्मा ने फिल्म निश्चय शूट की, जिसके लिए न उन्हें ऑडिशन देना पड़ा, न ही उनका स्क्रीन टेस्ट लिया गया। हालांकि इस फिल्म से पहले ही उनकी दूसरी फिल्म प्रेम कैदी (1991) रिलीज हो गई। पहली ही फिल्म में करिश्मा ने स्विमसूट पहना, जिससे अंकल ऋषि कपूर काफी नाराज हुए थे। फिल्म एवरेज रही, लेकिन इसके बाद करिश्मा को बैक-टु-बैक कई फिल्में मिलने लगीं। 1992 में उनकी एक साथ 6 फिल्में पुलिस ऑफिसर, जागृति, निश्चय, सपने साजन के, दीदार और जिगर रिलीज हुईं। हालांकि उन्हें बड़ी सफलता 1993 की फिल्म अनाड़ी से मिली। 1994 में उनकी 10 फिल्में रिलीज हुईं, जिनमें से गोपी किशन, राजा बाबू, खुद्दार, अंदाज अपना-अपना जबरदस्त हिट रहीं। आगे साजन चले ससुराल, कृष्णा, जीत, राजा हिंदुस्तानी जैसी ब्लॉकबस्टर फिल्मों से करिश्मा स्टार बनीं और उनकी गिनती बॉलीवुड की टॉप एक्ट्रेसेस में होने लगी। इसी समय उनका नाम अजय देवगन से जुड़ा, लेकिन जल्द ही दोनों अलग भी हो गए। फिल्मी गलियारों में चर्चा रही कि रवीना टंडन के चलते रिश्ते में दरार आई और यही वजह रही कि करिश्मा और रवीना के फिल्मों के सेट पर अनबन और झगड़े बढ़ने लगे। पिता चाहते थे अक्षय खन्ना से हो करिश्मा की शादी करिश्मा कपूर करियर के पीक पर थीं, जब उनके पिता रणधीर कपूर ने दोस्त विनोद खन्ना से कहा था कि वो चाहते हैं कि करिश्मा की शादी उनके बेटे अक्षय खन्ना से हो। विनोद खन्ना भी इस पर विचार कर रहे थे कि तभी बबीता ने इससे साफ इनकार कर दिया। अभिषेक बच्चन को जीजू कहती थीं करीना
Germany vs Ecuador, Turkey vs USA Matches Tonight

Hindi News Sports FIFA World Cup 2026: Germany Vs Ecuador, Turkey Vs USA Matches Tonight स्पोर्ट्स डेस्क21 मिनट पहले कॉपी लिंक FIFA वर्ल्ड कप 2026 में आज रात जर्मनी का सामना इक्वाडोर से होगा। इक्वाडोर इंटरनेशनल फुटबॉल में जर्मनी को कभी हरा नहीं पाया है। मैच रात 1:30 बजे से न्यू जर्सी स्टेडियम में खेला जाएगा। वहीं तुर्की की भिड़ंत अमेरिका से सुबह 7:30 बजे से होगी। तुर्की इस टूर्नामेंट में अब तक एक भी गोल नहीं दाग सका है। कुल 6 मुकाबले खेले जाएंगे। ये सभी मैच भारतीय समयानुसार 26 जून को होंगे। मैच-55: आइवरी कोस्ट को नॉकआउट के लिए सिर्फ ड्रॉ की जरुरत ग्रुप-E में शामिल कोटे डी आइवर 3 अंकों के साथ दूसरे स्थान पर है। उसे अगले दौर में पहुंचने के लिए सिर्फ एक ड्रॉ की जरूरत है। वहीं 1 अंक के साथ टेबल में सबसे नीचे चल रही कुरासाओ को हर हाल में यह मैच जीतना होगा। दोनों देशों के बीच यह पहला इंटरनेशनल मुकाबला होगा। कुरासाओ को मिडफील्डर ताहित चोंग से करिश्मे की उम्मीद होगी। वहीं आइवरी कोस्ट की टीम अनुभवी मिडफील्डर फ्रैंक केसी के खेल पर निर्भर होगी। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग इलेवन: कुरासाओ: रूम, ब्रीनत, फ्लोरानस, गारी, ओबिसपो, फोंविले, चोंग, कोमेनेनसिया, एल बाकुना, जे बाकुना, लोकाडिया। आइवरी कोस्ट: वाई फोफाना, जी दोउ, कोसोनौ, अग्बादौ, कोनान, संगारे, केसी, औलाई, दियालो, बोनी, डियोमंडे। मैच-56: जर्मनी के खिलाफ इक्वाडोर को जीतना ही होगा सुपर-32 में जगह बना चुकी जर्मनी का सामना इक्वाडोर से होगा। जर्मनी 2 मैचों में 6 अंकों के साथ ग्रुप-E में टॉप पर है। वहीं इक्वाडोर सिर्फ 1 अंक के साथ तीसरे स्थान पर है। उसे नॉकआउट की उम्मीदें कायम रखने के लिए हर हाल में यह मैच जीतना होगा। दोनों देशों के बीच 2 इंटरनेशनल मैच खेले गए हैं। दोनों बार जर्मनी ने जीत दर्ज की है। वर्ल्ड कप के इतिहास में यह दोनों की दूसरी भिड़ंत होगी। 2006 विश्व कप में जर्मनी ने इक्वाडोर को 3-0 से हराया था। इक्वाडोर को अपने स्टार फॉरवर्ड एनर वैलेंसिया से गोल की उम्मीद होगी। वहीं जर्मनी के लिए फॉर्म में चल रहे विंगर जमाल मुसियाला अटैकिंग खेल दिखा सकते हैं। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग इलेवन: इक्वाडोर: डोमिंगुएज, प्रेसियाडो, टोरेस, पैचो, हिंकापी, फ्रेंको, ग्रुएजो, एम कैसिडो, पाज, वैलेंसिया, रोड्रिगेज। जर्मनी: न्यूर, किमिश, रुडिगर, टाह, मितलस्टाट, एंड्रीच, क्रूस, साने, मुसियाला, विर्ट्ज, हावेर्ट्ज। मैच-57: स्वीडन से ड्रा खेलते ही नॉकआउट में पहुंचेगा जापान ग्रुप-F में शामिल जापान 4 अंकों के साथ दूसरे स्थान पर है। वहीं स्वीडन 3 अंकों के साथ तीसरे पायदान पर है। जापान की टीम अगर यह मैच ड्रॉ भी खेल लेती है तो वह नॉकआउट में पहुंच जाएगी। वहीं स्वीडन को आगे बढ़ने के लिए जीत की दरकार है। वर्ल्ड कप में दोनों देशों के बीच यह पहली भिड़ंत होगी। दोनों के बीच अब तक 2 इंटरनेशनल मैच खेले गए हैं। जापान ने 1 मैच जीता है, जबकि 1 मुकाबला ड्रॉ रहा है। जापान को अपने स्टार स्ट्राइकर अयासे उएदा से अच्छे प्रदर्शन की उम्मीद होगी। वहीं स्वीडन की नजरें इन-फॉर्म फॉरवर्ड अलेक्जेंडर इसाक पर टिकी रहेंगी। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग इलेवन: जापान: सुजुकी, इताकुरा, तानिगुची, माचिदा, डोआन, एंडो, मोरीता, मिनामाइनो, कामादा, कुबो, उएदा। स्वीडन: ओल्सन, लिंडेलोफ, Hइएन, लेगरबीलके, गुदमुंडसन, अयारी, निग्रेन, कार्लस्ट्रोम, बर्नहार्डसन, ग्योकेरेस, इसाक। मैच-58: टूर्नामेंट से बाहर हो चुकी ट्यूनीशिया का नीदरलैंड से मुकाबला नीदरलैंड और ट्यूनीशिया ग्रुप-F में शामिल हैं। लगातार दो हार के साथ ट्यूनीशिया टूर्नामेंट से पहले ही बाहर हो चुकी है। दूसरी ओर नीदरलैंड 4 अंकों के साथ टॉप पर है। दोनों देशों के बीच कुल 3 इंटरनेशनल मैच खेले गए हैं। नीदरलैंड ने 1 मैच जीता है। वहीं 2 मुकाबले ड्रॉ रहे हैं। वर्ल्ड कप में दोनों की यह पहली भिड़ंत होगी। नीदरलैंड की उम्मीदें उनके स्टार फॉरवर्ड मेम्फिस डेपे पर टिकी होंगी। वहीं ट्यूनीशिया को कप्तान यूसुफ मषाकनी से बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद होगी। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग इलेवन: ट्यूनीशिया: बेन सईद, वालरी, मेरियाह, तल्बी, अब्दी, स्केरी, लैदौनी, रफिया, बेन रमाने, अचौरी, मषाकनी। नीदरलैंड: वर्ब्रूगेन, डमफ्रीज, डी विलेज, वैन डिज्क, एके, शाउटन, रीजेंडर्स, सिमंस, विज्नल्डम, गाकपो, डेपे। मैच-59: मेजबान अमेरिका को चुनौती देगा तुर्की ग्रुप-D में शामिल अमेरिका लगातार 2 जीत के साथ नॉकआउट में जगह बना चुका है। वह 6 अंकों के साथ ग्रुप में पहले स्थान पर है। वहीं तुर्की लगातार 2 हार के साथ बाहर हो चुकी है। वह टूर्नामेंट में एक भी गोल नहीं कर सकी है। दोनों के बीच सिर्फ 1 इंटरनेशनल मैच खेला गया है। इसमें तुर्की ने 2-1 से जीत हासिल की थी। वर्ल्ड कप में दोनों टीमों की यह पहली भिड़ंत होगी। अमेरिका को मेन स्ट्राइकर फोलारिन बालोगुन से गोल की उम्मीद होगी। वहीं तुर्की अपने युवा स्टार अरदा गुलर पर निर्भर है। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग इलेवन: तुर्की: ओजर, चेलिक, सोयुनकु, डेमिरल, एलमाली, युक्सेक, कोकचू, गुलर, अकटुरकोग्लू, यिल्दिज, यिल्माज। अमेरिका: टर्नर, स्काली, रिचर्ड्स, रीम, रॉबिन्सन, मैकेनी, एडम्स, मूसाह, पुलिसिक, बालोगुन, वेआ। मैच-60: पराग्वे और ऑस्ट्रेलिया में जीतने वाली टीम नॉकआउट खेलेगी ग्रुप-D में पराग्वे और ऑस्ट्रेलिया के बीच अहम मुकाबला खेला जाएगा। दोनों टीमों के पास नॉकआउट में पहुंचने का यह आखिरी मौका है। दोनों टीमों अभी 3-3 अंक पर है। यह मैच जीतने वाली टीम सीधे नॉकआउट के लिए क्वालिफाई कर जाएगी। दोनों देशों के बीच अब तक कुल 5 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले खेले गए हैं, जिनमें से ऑस्ट्रेलिया ने 2 जीते हैं और 3 मैच ड्रॉ रहे हैं। वर्ल्ड कप के इतिहास में यह दोनों की पहली भिड़ंत होगी। पराग्वे को युवा फॉरवर्ड जूलियो एनसिसो से बड़ी उम्मीदें होंगी। वहीं ऑस्ट्रेलिया को अपने कप्तान और अनुभवी गोलकीपर मैथ्यू रयान से बेहतरीन प्रदर्शन की जरुरत होगी। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग इलेवन: पराग्वे: मोरिनीगो, वेलास्केज़, बाल्बुएना, अल्डरेटे, एस्पिनोज़ा, क्युबास, विलासांती, रोमेरो, अल्मिरोन, एनसिसो, सानाब्रिया। ऑस्ट्रेलिया: रयान, एटकिंसन, सुतार, बर्गस, रोल्स, बकस, इरविन, मेटकाफ, गुडविन, येंगी, बोरेल। दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
भारत को विमेंस टी-20 वर्ल्डकप में बांग्लादेश नहीं हरा पाया:आज टूर्नामेंट में चौथी बार भिड़ेंगे; सेमीफाइनल के लिए इंडिया का जीतना जरूरी

विमेंस टी-20 वर्ल्ड कप में आज भारत का मुकाबला बांग्लादेश से होगा। मैच शाम 7 बजे से मैनचेस्टर में खेला जाएगा। टूर्नामेंट में भारत को बांग्लादेश अब तक नहीं हरा पाया है। दोनों टीमों के हुए 3 मुकाबले भारत ने जीते हैं। दिन का दूसरा मुकाबला साउथ अफ्रीका और नीदरलैंड के बीच होगा। सेमीफाइनल के लिए भारत और साउथ अफ्रीका को हर हाल में अपने-अपने मैच जीतने होंगे। ग्रुप-A में शामिल दोनों टीमें के 3 मैचों में 4-4 अंक हैं। पिछले मैच में साउथ अफ्रीका ने भारत को हराया था। बांग्लादेश के खिलाफ भारत का पलड़ा भारी टी-20 में दोनों टीमें अब तक 23 बार आमने-सामने आई हैं। इनमें भारत ने 20 मुकाबले जीते हैं। बांग्लादेश सिर्फ 3 ही जीत सकी हैं। इस वर्ल्डकप में बांग्लादेश ने 3 में से 2 मुकाबले जीते हैं। वह 4 अंकों के साथ चौथे स्थान पर है। उसके लिए भी यह मैच जीतना जरूरी है। स्मृति और श्री चरणी टॉप परफॉर्मर भारतीय ओपनर स्मृति मंधाना ने इस वर्ल्डकप में 3 मैचों में 154.36 की स्ट्राइक रेट से 159 रन बनाए हैं। उनका बेस्ट स्कोर 74 रन रहा है। गेंदबाजी में श्री चरणी टूर्नामेंट की सबसे सफल गेंदबाज रही हैं। उन्होंने 3 मैचों में 10 विकेट लिए हैं। उनकी इकोनॉमी सिर्फ 5.33 रही है। पारी में उनका बेस्ट प्रदर्शन 19 रन देकर 4 विकेट है। इन दोनों के अलावा जेमिमा रोड्रिग्स पर भी नजर रहेगी। वह अब तक टूर्नामेंट में सिर्फ 32 रन बना सकी है। वह बांग्लादेश के स्पिनर्स के खिलाफ अहम साबित हो सकती हैं। 2025 से स्पिनर्स के खिलाफ टी-20 में उनका औसत 40.85 और स्ट्राइक रेट 143.71 रहा है। भारत प्लेइंग-11 में बदलाव कर सकता है। प्रेमा रावत की जगह राधा यादव इस मैच में खेल सकती हैं। जुआरिया और संजीदा की बांग्लादेश पर नजर बांग्लादेश के लिए जुआरिया फिरदौस ने इस वर्ल्डकप में सबसे ज्यादा रन बनाए हैं। उन्होंने 3 मैचों में 65 रन बनाए हैं। 50 रन उनका बेस्ट स्कोर रहा है। गेंदबाजी में संजीदा अख्तर मेघला टीम की मुख्य ताकत हैं। उन्होंने 2 मैचों में 4 विकेट हासिल किए हैं। इस दौरान उनकी इकोनॉमी 6.25 रही है। मैनचेस्टर में स्पिनर्स का दबदबा मैनचेस्टर में इस वर्ल्डकप के दौरान स्पिन गेंदबाजों का प्रदर्शन बेहतर रहा है। यहां स्पिनर्स ने 22 विकेट लिए हैं, जबकि पेसर्स को 19 विकेट मिले हैं। स्पिनर्स की इकोनॉमी भी बेहतर रही है। दोनों टीमें एक्स्ट्रा स्पिनर के साथ मैदान पर उतर सकती हैं। पॉसिबल प्लेइंग-11 भारत: शेफाली वर्मा, स्मृति मंधाना, जेमिमा रोड्रिग्स, हरमनप्रीत कौर (कप्तान), यास्तिका भाटिया/भारती फुलमाली, ऋचा घोष (विकेटकीपर), दीप्ति शर्मा, राधा यादव, क्रांति गौड़/अरुंधति रेड्डी, नंदनी शर्मा, एन श्री चरणी। बांग्लादेश: दिलारा अख्तर, जुआरिया फिरदौस, शर्मीन अख्तर, निगार सुल्ताना (कप्तान), शोभना मोस्तरी, रितु मोनी, शूर्णा अख्तर, राबिया खान, नाहिदा अख्तर, मारुफा अख्तर, संजीदा अख्तर मेघला। नीदरलैंड के खिलाफ बड़ी जीत पर साउथ अफ्रीका की नजर साउथ अफ्रीका और नीदरलैंड के बीच अब तक सिर्फ एक टी-20 इंटरनेशनल मैच खेला गया है। 2010 में हुए इस मुकाबले में साउथ अफ्रीका ने 115 रन से जीत दर्ज की थी।नीदरलैंड अपने तीनों मुकाबले हारकर ग्रुप में सबसे निचले पायदान पर है। मारिजन और शबनिम इस्माइल पर नजर साउथ अफ्रीका के लिए मारिजन ने बल्ले और गेंद से शानदर प्रदर्शन किया है। उन्होंने 3 मैचों में 103 रन बनाए हैं और 6 विकेट भी लिए हैं। तेज गेंदबाज शबनिम इस्माइल ने भी 3 मैचों में 4 विकेट हासिल किए हैं। वहीं कप्तान लौरा वोल्वार्ट से बड़ी पारी की उम्मीद होगी। बबेट डी लीडे नीदरलैंड की सबसे बड़ी उम्मीद नीदरलैंड की कप्तान बबेट डी लीडे टीम की टॉप स्कोरर रही हैं। उन्होंने टूर्नामेंट में 50, 28 और नाबाद 56 रन की पारियां खेलते हुए 134 रन बनाए हैं। टीम को उनसे एक और बड़ी पारी की उम्मीद होगी। गेंदबाजी में कैरोलीन डी लांगे ने 3 मैचों में 6 विकेट लिए हैं। हालांकि उनका इकोनॉमी रेट 8.16 रहा है। ब्रिस्टल में चेज करने वाली टीमों का दबदबा ब्रिस्टल में इस वर्ल्ड कप में 3 मैच खेले गए हैं। तीनों मुकाबलें रनचेज करने वाली टीम जीती है। टॉस जीतने वाली टीम पहले गेंदबाजी चुन सकती हैं। दोनों टीमों की पॉसिबल प्लेइंग-11 नीदरलैंड: हीथर सीजर्स, फीबे मोल्केनबोएर, बेबेट डी लीडे (कप्तान/विकेटकीपर), स्टेर कैलिस, रोबाइन रीके, फ्रेडरिक ओवरडिज्क, आइरिस ज्वीलिंग, मिर्ते वैन डेन राड, कैरोलीन डी लांगे, सिल्वर सीजर्स, इसाबेल वैन डेर वोनिंग। साउथ अफ्रीका: लौरा वोल्वार्ट (कप्तान), ताज़मिन ब्रिट्स, एनेरी डेरकसेन, मारिजन काप, नादिन डी क्लर्क, क्लो ट्रायोन, डेन वैन नीकर्क, सिनालो जाफ्ता (विकेटकीपर), शबनीम इस्माइल, अयाबोंगा खाका, नोनकुलुलेको म्लाबा।
करिश्मा कपूर@52, जया बच्चन ने सरेआम कहा बहू:कपूर खानदान की पहली एक्ट्रेस, हनीमून पर पति ने दोस्तों के साथ सोने को कहा

90 के दशक में बॉलीवुड पर राज करने वालीं करिश्मा कपूर आज 52 साल की हो चुकी हैं। 65 से ज्यादा फिल्मों और अनगिनत हिट्स के दम पर सुपरस्टार बनीं करिश्मा को कपूर खानदान की रीत बदलने का क्रेडिट भी दिया जाता है। उनसे पहले कपूर खानदान की महिलाओं पर फिल्मों से जुड़ने पर पाबंदी थी। करिश्मा की कहानी सिर्फ स्टारडम की नहीं, बल्कि अधूरे रिश्तों और विवादों की भी है। कभी अक्षय खन्ना उनसे शादी करना चाहते थे। उनके पिता विनोद खन्ना ने रिश्ता भी भिजवाया, लेकिन करिश्मा की मां बबीता ने रिश्ता ठुकरा दिया। कहा जाता है कि यही वजह है कि अक्षय ने कभी शादी नहीं की। आगे अभिषेक से उनकी शादी की और जया बच्चन ने सार्वजनिक मंच पर उन्हें बहू कहकर मीडिया के सामने इंट्रोड्यूस किया, लेकिन ये शादी भी चर्चा में रहने के बावजूद टूट गई। करिश्मा ने 2003 में बचपन के दोस्त संजय कपूर से शादी की। हालांकि बाद में ये शादी विवादों में बदल गई। करिश्मा ने दावा किया कि हनीमून में पति संजय ने दोस्तों से उनकी बोली लगवाई। करिश्मा ने मारपीट, दहेज प्रताड़ना और टॉर्चर का आरोप लगाते हुए पति से तलाक लिया, लेकिन पूर्व पति की मौत के बाद ये रिश्ता फिर चर्चा में आ गया और आज भी उनकी 3200 करोड़ की प्रॉपर्टी पर कानूनी विवाद जारी है। आज करिश्मा के जन्मदिन के खास मौके पर जानिए, उनके निजी रिश्तों, संजय कपूर से शादी और विवाद की पूरी कहानी- 25 जून 1974 को करिश्मा कपूर का जन्म हिंदी सिनेमा के सबसे प्रतिष्ठित परिवार के एक्टर रणधीर कपूर और एक्ट्रेस बबीता के घर हुआ। उनकी पैदाइश पर पूरा कपूर खानदान ब्रीच कैंडी हॉस्पिटल पहुंचा, लेकिन दादा शो मैन राज कपूर नहीं आए। उन्होंने साफ कहा, ‘बच्ची को देखने तब ही जाऊंगा, जब उसकी आंखें नीली हों।’ खुशकिस्मती से करिश्मा की आंखें गहरी नीली रहीं, हूबहू दादाजी की तरह। घर की पहली बेटी होने पर वो पूरे परिवार की चहेती रहीं। देखिए करिश्मा कपूर के बचपन की तस्वीरें- एक समय में उनकी मां बबीता, जानी-मानी एक्ट्रेस थीं, जिन्होंने कपूर खानदान की बहू बनने के लिए एक्टिंग करियर कुर्बान कर दिया। शादी से कुछ समय पहले उन्होंने 1968 की फिल्म हसीना मान जाएगी में काम किया था। इस फिल्म की शूटिंग, बॉम्बे के बिजनेस टायकून रौनक सिंह के घर में हुई। घर में शूटिंग करते हुए बबीता की दोस्ती रौनक सिंह की बेटी रानी सिंह (बाद में कपूर) से हुई, जो आगे चलकर करिश्मा की सास बनीं। रानी उस वक्त महज 18 साल की थीं। आगे रानी सिंह ने ऑटो पार्ट के नामी बिजनेसमैन सुरिंदर कपूर से शादी की, जिससे उन्हें बेटा संजय कपूर हुआ। समय के साथ बबीता और रानी की दोस्ती गहरी होती रही। वो अक्सर साथ पार्टी करते थे, जिससे बच्चों करिश्मा, करीना, संजय और उनकी बहनों की दोस्ती भी गहरी हुई। करिश्मा कपूर ने मुंबई के कैथेद्रेल एंड जॉन केनन स्कूल से पढ़ाई की। संजय कपूर ने शुरुआत में देहरादून के दून स्कूल से पढ़ाई की लेकिन कुछ सालों में ही उनका दाखिला करिश्मा के स्कूल में करवा दिया गया। दोनों की दोस्ती और बढ़ गई। स्कूलिंग के बाद संजय कपूर पढ़ाई करने विदेश चले गए और करिश्मा की रुचि फिल्मों में बढ़ने लगी और इस तरह दोनों की दोस्ती में दूरी आ गई। दोनों अपनी-अपनी दुनिया में व्यस्त होते चले गए। फिल्मी दुनिया हमेशा से ही करिश्मा को अट्रैक्ट करती थी। बचपन से ही वो दादाजी राज कपूर और पिता रणधीर के फिल्मों के सेट पर जाया करती थीं। वो अक्सर दादाजी से कहती थीं, ‘मैं भी एक दिन हीरोइन बनूंगी’, इस पर राज कपूर उन्हें जवाब देते थे- ‘एक्टर बनना कोई आसान काम नहीं है, अगर तुम एक्टर बनना चाहती हो, तो कांटों पर चलो और मिट्टी पर काम करो ताकि अच्छी एक्टर बन सको। एक्टर को हमेशा बेस्ट बनने का लक्ष्य रखना चाहिए।’ जब एक दिन करिश्मा ने पिता रणधीर से कहा कि उन्हें हीरोइन बनना है, तो पिता ने साफ इनकार कर दिया कि कपूर खानदान की लड़किया एक्टिंग नहीं करेंगी। लेकिन उनकी मां बबीता उनके सपोर्ट में थीं। ये वो दौर था, जब फिल्में न चलने से परेशान होकर वो काफी ज्यादा शराब पीने लगे थे। इससे उनके और बबीता के रिश्ते में भी अनबन चल रही थीं। फिर एक समय ऐसा आया, जब करिश्मा के करियर को सपोर्ट करते हुए बबीता ने 1987 में रणधीर का घर छोड़ दिया। राज कपूर की पोती होने के चलते उन्हें बिना संघर्ष फिल्मों के ऑफर मिलने लगे। 16 की उम्र में उन्होंने एक साथ कई फिल्में साइन कीं। सबसे पहले करिश्मा ने फिल्म निश्चय शूट की, जिसके लिए न उन्हें ऑडिशन देना पड़ा, न ही उनका स्क्रीन टेस्ट लिया गया। हालांकि इस फिल्म से पहले ही उनकी दूसरी फिल्म प्रेम कैदी (1991) रिलीज हो गई। पहली ही फिल्म में करिश्मा ने स्विमसूट पहना, जिससे अंकल ऋषि कपूर काफी नाराज हुए थे। फिल्म एवरेज रही, लेकिन इसके बाद करिश्मा को बैक-टु-बैक कई फिल्में मिलने लगीं। 1992 में उनकी एक साथ 6 फिल्में पुलिस ऑफिसर, जागृति, निश्चय, सपने साजन के, दीदार और जिगर रिलीज हुईं। हालांकि उन्हें बड़ी सफलता 1993 की फिल्म अनाड़ी से मिली। 1994 में उनकी 10 फिल्में रिलीज हुईं, जिनमें से गोपी किशन, राजा बाबू, खुद्दार, अंदाज अपना-अपना जबरदस्त हिट रहीं। आगे साजन चले ससुराल, कृष्णा, जीत, राजा हिंदुस्तानी जैसी ब्लॉकबस्टर फिल्मों से करिश्मा स्टार बनीं और उनकी गिनती बॉलीवुड की टॉप एक्ट्रेसेस में होने लगी। इसी समय उनका नाम अजय देवगन से जुड़ा, लेकिन जल्द ही दोनों अलग भी हो गए। फिल्मी गलियारों में चर्चा रही कि रवीना टंडन के चलते रिश्ते में दरार आई और यही वजह रही कि करिश्मा और रवीना के फिल्मों के सेट पर अनबन और झगड़े बढ़ने लगे। पिता चाहते थे अक्षय खन्ना से हो करिश्मा की शादी करिश्मा कपूर करियर के पीक पर थीं, जब उनके पिता रणधीर कपूर ने दोस्त विनोद खन्ना से कहा था कि वो चाहते हैं कि करिश्मा की शादी उनके बेटे अक्षय खन्ना से हो। विनोद खन्ना भी इस पर विचार कर रहे थे कि तभी बबीता ने इससे साफ इनकार कर दिया। अभिषेक बच्चन को जीजू कहती थीं करीना
Germany vs Ecuador, Turkey vs USA Matches Tonight

Hindi News Sports FIFA World Cup 2026: Germany Vs Ecuador, Turkey Vs USA Matches Tonight स्पोर्ट्स डेस्क2 घंटे पहले कॉपी लिंक FIFA वर्ल्ड कप 2026 में आज रात जर्मनी का सामना इक्वाडोर से होगा। इक्वाडोर इंटरनेशनल फुटबॉल में जर्मनी को कभी हरा नहीं पाया है। मैच रात 1:30 बजे से न्यू जर्सी स्टेडियम में खेला जाएगा। वहीं तुर्की की भिड़ंत अमेरिका से सुबह 7:30 बजे से होगी। तुर्की इस टूर्नामेंट में अब तक एक भी गोल नहीं दाग सका है। कुल 6 मुकाबले खेले जाएंगे। ये सभी मैच भारतीय समयानुसार 26 जून को होंगे। मैच-55: आइवरी कोस्ट को नॉकआउट के लिए सिर्फ ड्रॉ की जरुरत ग्रुप-E में शामिल कोटे डी आइवर 3 अंकों के साथ दूसरे स्थान पर है। उसे अगले दौर में पहुंचने के लिए सिर्फ एक ड्रॉ की जरूरत है। वहीं 1 अंक के साथ टेबल में सबसे नीचे चल रही कुरासाओ को हर हाल में यह मैच जीतना होगा। दोनों देशों के बीच यह पहला इंटरनेशनल मुकाबला होगा। कुरासाओ को मिडफील्डर ताहित चोंग से करिश्मे की उम्मीद होगी। वहीं आइवरी कोस्ट की टीम अनुभवी मिडफील्डर फ्रैंक केसी के खेल पर निर्भर होगी। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग इलेवन: कुरासाओ: रूम, ब्रीनत, फ्लोरानस, गारी, ओबिसपो, फोंविले, चोंग, कोमेनेनसिया, एल बाकुना, जे बाकुना, लोकाडिया। आइवरी कोस्ट: वाई फोफाना, जी दोउ, कोसोनौ, अग्बादौ, कोनान, संगारे, केसी, औलाई, दियालो, बोनी, डियोमंडे। मैच-56: जर्मनी के खिलाफ इक्वाडोर को जीतना ही होगा सुपर-32 में जगह बना चुकी जर्मनी का सामना इक्वाडोर से होगा। जर्मनी 2 मैचों में 6 अंकों के साथ ग्रुप-E में टॉप पर है। वहीं इक्वाडोर सिर्फ 1 अंक के साथ तीसरे स्थान पर है। उसे नॉकआउट की उम्मीदें कायम रखने के लिए हर हाल में यह मैच जीतना होगा। दोनों देशों के बीच 2 इंटरनेशनल मैच खेले गए हैं। दोनों बार जर्मनी ने जीत दर्ज की है। वर्ल्ड कप के इतिहास में यह दोनों की दूसरी भिड़ंत होगी। 2006 विश्व कप में जर्मनी ने इक्वाडोर को 3-0 से हराया था। इक्वाडोर को अपने स्टार फॉरवर्ड एनर वैलेंसिया से गोल की उम्मीद होगी। वहीं जर्मनी के लिए फॉर्म में चल रहे विंगर जमाल मुसियाला अटैकिंग खेल दिखा सकते हैं। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग इलेवन: इक्वाडोर: डोमिंगुएज, प्रेसियाडो, टोरेस, पैचो, हिंकापी, फ्रेंको, ग्रुएजो, एम कैसिडो, पाज, वैलेंसिया, रोड्रिगेज। जर्मनी: न्यूर, किमिश, रुडिगर, टाह, मितलस्टाट, एंड्रीच, क्रूस, साने, मुसियाला, विर्ट्ज, हावेर्ट्ज। मैच-57: स्वीडन से ड्रा खेलते ही नॉकआउट में पहुंचेगा जापान ग्रुप-F में शामिल जापान 4 अंकों के साथ दूसरे स्थान पर है। वहीं स्वीडन 3 अंकों के साथ तीसरे पायदान पर है। जापान की टीम अगर यह मैच ड्रॉ भी खेल लेती है तो वह नॉकआउट में पहुंच जाएगी। वहीं स्वीडन को आगे बढ़ने के लिए जीत की दरकार है। वर्ल्ड कप में दोनों देशों के बीच यह पहली भिड़ंत होगी। दोनों के बीच अब तक 2 इंटरनेशनल मैच खेले गए हैं। जापान ने 1 मैच जीता है, जबकि 1 मुकाबला ड्रॉ रहा है। जापान को अपने स्टार स्ट्राइकर अयासे उएदा से अच्छे प्रदर्शन की उम्मीद होगी। वहीं स्वीडन की नजरें इन-फॉर्म फॉरवर्ड अलेक्जेंडर इसाक पर टिकी रहेंगी। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग इलेवन: जापान: सुजुकी, इताकुरा, तानिगुची, माचिदा, डोआन, एंडो, मोरीता, मिनामाइनो, कामादा, कुबो, उएदा। स्वीडन: ओल्सन, लिंडेलोफ, Hइएन, लेगरबीलके, गुदमुंडसन, अयारी, निग्रेन, कार्लस्ट्रोम, बर्नहार्डसन, ग्योकेरेस, इसाक। मैच-58: टूर्नामेंट से बाहर हो चुकी ट्यूनीशिया का नीदरलैंड से मुकाबला नीदरलैंड और ट्यूनीशिया ग्रुप-F में शामिल हैं। लगातार दो हार के साथ ट्यूनीशिया टूर्नामेंट से पहले ही बाहर हो चुकी है। दूसरी ओर नीदरलैंड 4 अंकों के साथ टॉप पर है। दोनों देशों के बीच कुल 3 इंटरनेशनल मैच खेले गए हैं। नीदरलैंड ने 1 मैच जीता है। वहीं 2 मुकाबले ड्रॉ रहे हैं। वर्ल्ड कप में दोनों की यह पहली भिड़ंत होगी। नीदरलैंड की उम्मीदें उनके स्टार फॉरवर्ड मेम्फिस डेपे पर टिकी होंगी। वहीं ट्यूनीशिया को कप्तान यूसुफ मषाकनी से बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद होगी। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग इलेवन: ट्यूनीशिया: बेन सईद, वालरी, मेरियाह, तल्बी, अब्दी, स्केरी, लैदौनी, रफिया, बेन रमाने, अचौरी, मषाकनी। नीदरलैंड: वर्ब्रूगेन, डमफ्रीज, डी विलेज, वैन डिज्क, एके, शाउटन, रीजेंडर्स, सिमंस, विज्नल्डम, गाकपो, डेपे। मैच-59: मेजबान अमेरिका को चुनौती देगा तुर्की ग्रुप-D में शामिल अमेरिका लगातार 2 जीत के साथ नॉकआउट में जगह बना चुका है। वह 6 अंकों के साथ ग्रुप में पहले स्थान पर है। वहीं तुर्की लगातार 2 हार के साथ बाहर हो चुकी है। वह टूर्नामेंट में एक भी गोल नहीं कर सकी है। दोनों के बीच सिर्फ 1 इंटरनेशनल मैच खेला गया है। इसमें तुर्की ने 2-1 से जीत हासिल की थी। वर्ल्ड कप में दोनों टीमों की यह पहली भिड़ंत होगी। अमेरिका को मेन स्ट्राइकर फोलारिन बालोगुन से गोल की उम्मीद होगी। वहीं तुर्की अपने युवा स्टार अरदा गुलर पर निर्भर है। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग इलेवन: तुर्की: ओजर, चेलिक, सोयुनकु, डेमिरल, एलमाली, युक्सेक, कोकचू, गुलर, अकटुरकोग्लू, यिल्दिज, यिल्माज। अमेरिका: टर्नर, स्काली, रिचर्ड्स, रीम, रॉबिन्सन, मैकेनी, एडम्स, मूसाह, पुलिसिक, बालोगुन, वेआ। मैच-60: पराग्वे और ऑस्ट्रेलिया में जीतने वाली टीम नॉकआउट खेलेगी ग्रुप-D में पराग्वे और ऑस्ट्रेलिया के बीच अहम मुकाबला खेला जाएगा। दोनों टीमों के पास नॉकआउट में पहुंचने का यह आखिरी मौका है। दोनों टीमों अभी 3-3 अंक पर है। यह मैच जीतने वाली टीम सीधे नॉकआउट के लिए क्वालिफाई कर जाएगी। दोनों देशों के बीच अब तक कुल 5 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले खेले गए हैं, जिनमें से ऑस्ट्रेलिया ने 2 जीते हैं और 3 मैच ड्रॉ रहे हैं। वर्ल्ड कप के इतिहास में यह दोनों की पहली भिड़ंत होगी। पराग्वे को युवा फॉरवर्ड जूलियो एनसिसो से बड़ी उम्मीदें होंगी। वहीं ऑस्ट्रेलिया को अपने कप्तान और अनुभवी गोलकीपर मैथ्यू रयान से बेहतरीन प्रदर्शन की जरुरत होगी। दोनों टीमों की पॉसिबल स्टार्टिंग इलेवन: पराग्वे: मोरिनीगो, वेलास्केज़, बाल्बुएना, अल्डरेटे, एस्पिनोज़ा, क्युबास, विलासांती, रोमेरो, अल्मिरोन, एनसिसो, सानाब्रिया। ऑस्ट्रेलिया: रयान, एटकिंसन, सुतार, बर्गस, रोल्स, बकस, इरविन, मेटकाफ, गुडविन, येंगी, बोरेल। दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
यूजर्स का डेटा भारत से बाहर भेजने पर रोक:देश में ही स्टोर होगा रिकॉर्ड, टेलीकॉम सेक्टर में लाइसेंस राज खत्म; अब ऑनलाइन मंजूरी मिलेगी

अब आपकी प्राइवेसी और पर्सनल डेटा पूरी तरह से सुरक्षित रहेगा, क्योंकि अब टेलीकॉम कंपनियों को आपके फोन, इंटरनेट इस्तेमाल और कॉलिंग से जुड़ा सभी तरह का डेटा और लॉग्स अब भारत में ही स्टोर करना होगा। कोई भी कंपनी आपका पर्सनल डेटा देश के बाहर नहीं भेज पाएगी और न ही किसी विदेशी संस्था के साथ शेयर कर सकेगी। दरअसल, दूरसंचार विभाग (DoT) ने बुधवार को टेलीकॉम कंपनियों के लिए नए नियम जारी किए हैं। आइए टेलीकॉम सेक्टर से जुड़े सरकार के नए नियम और उनसे होने वाले फायदों के बारे में जानते हैं… 1. लाइसेंस राज खत्म, टेलीकॉम ई-सर्विसेज पोर्टल शुरू DoT ने कंपनियों के लिए टेलीकॉम सेक्टर में दशकों पुराना लाइसेंस राज खत्म कर एक नया और आसान मंजूरी सिस्टम शुरू किया है। इसके साथ ही सरकार ने ‘टेलीकॉम ई-सर्विसेज पोर्टल’ नाम की एक वेबसाइट भी बनाई है, ताकि सारा काम डिजिटल हो सके। अब तक कंपनियों को मोबाइल या इंटरनेट सेवाएं शुरू करने के लिए सरकार से जटिल और लंबी ‘लाइसेंस’ प्रक्रिया से गुजरना पड़ता था, जिसमें महीनों लग जाते थे। पुराने लाइसेंस वाले भी नए सिस्टम में आ सकेंगे जो टेलीकॉम कंपनियां पहले से काम कर रही हैं और जिनके पास पुराने सिस्टम के तहत अलग-अलग तरह के लाइसेंस (जैसे इंटरनेट या कॉलिंग के लिए) हैं, सरकार ने उन्हें भी इस नए और आसान सिस्टम में शिफ्ट होने की सुविधा दी है। इसका मतलब है कि पुरानी कंपनियों को भी अब कागज़ी कार्रवाई से राहत मिलेगी। 2. सस्ते और नए प्लान्स मिल सकते हैं नए नियमों के तहत अब कंपनियां एक ही डिजिटल पोर्टल से नेटवर्क और इंटरनेट सर्विस के लिए एक साथ अप्लाई कर सकती हैं। 3. सैटेलाइट इंटरनेट को लेकर सरकार सख्त अगर आप आने वाले समय में इलॉन मस्क की स्टारलिंक या अमेजॉन जैसी कंपनियों से सीधे सैटेलाइट (बिना तार या टावर वाला डायरेक्ट इंटरनेट) लेने की सोच रहे हैं, तो सरकार ने आपकी सुरक्षा के लिए कड़े नियम बनाए हैं। 4. आपका पर्सनल डेटा सुरक्षित रहेगा आजकल सबसे बड़ा डर डेटा चोरी या लीक होने का होता है। सरकार ने इस पर बेहद सख्त नियम बनाया है। टेलीकॉम कंपनियों के लिए अब यह जरूरी कर दिया गया है कि वे भारतीय यूजर्स का सारा डेटा और रिकॉर्ड भारत के अंदर ही स्टोर कर रखेंगी। 5. देश की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं जम्मू-कश्मीर या उत्तर-पूर्व जैसे संवेदनशील इलाकों में नेटवर्क लगाने के लिए कंपनियों को विशेष सुरक्षा मंजूरी लेनी होगी। साथ ही, देश विरोधी या संदिग्ध संदेशों पर नजर रखने के लिए भी कंपनियों को सिस्टम बनाना होगा।
यूजर्स का डेटा भारत से बाहर भेजने पर रोक:देश में ही स्टोर होगा रिकॉर्ड, टेलीकॉम सेक्टर में लाइसेंस राज खत्म; अब ऑनलाइन मंजूरी मिलेगी

अब आपकी प्राइवेसी और पर्सनल डेटा पूरी तरह से सुरक्षित रहेगा, क्योंकि अब टेलीकॉम कंपनियों को आपके फोन, इंटरनेट इस्तेमाल और कॉलिंग से जुड़ा सभी तरह का डेटा और लॉग्स अब भारत में ही स्टोर करना होगा। कोई भी कंपनी आपका पर्सनल डेटा देश के बाहर नहीं भेज पाएगी और न ही किसी विदेशी संस्था के साथ शेयर कर सकेगी। दरअसल, दूरसंचार विभाग (DoT) ने बुधवार को टेलीकॉम कंपनियों के लिए नए नियम जारी किए हैं। आइए टेलीकॉम सेक्टर से जुड़े सरकार के नए नियम और उनसे होने वाले फायदों के बारे में जानते हैं… 1. लाइसेंस राज खत्म, टेलीकॉम ई-सर्विसेज पोर्टल शुरू DoT ने कंपनियों के लिए टेलीकॉम सेक्टर में दशकों पुराना लाइसेंस राज खत्म कर एक नया और आसान मंजूरी सिस्टम शुरू किया है। इसके साथ ही सरकार ने ‘टेलीकॉम ई-सर्विसेज पोर्टल’ नाम की एक वेबसाइट भी बनाई है, ताकि सारा काम डिजिटल हो सके। अब तक कंपनियों को मोबाइल या इंटरनेट सेवाएं शुरू करने के लिए सरकार से जटिल और लंबी ‘लाइसेंस’ प्रक्रिया से गुजरना पड़ता था, जिसमें महीनों लग जाते थे। पुराने लाइसेंस वाले भी नए सिस्टम में आ सकेंगे जो टेलीकॉम कंपनियां पहले से काम कर रही हैं और जिनके पास पुराने सिस्टम के तहत अलग-अलग तरह के लाइसेंस (जैसे इंटरनेट या कॉलिंग के लिए) हैं, सरकार ने उन्हें भी इस नए और आसान सिस्टम में शिफ्ट होने की सुविधा दी है। इसका मतलब है कि पुरानी कंपनियों को भी अब कागज़ी कार्रवाई से राहत मिलेगी। 2. सस्ते और नए प्लान्स मिल सकते हैं नए नियमों के तहत अब कंपनियां एक ही डिजिटल पोर्टल से नेटवर्क और इंटरनेट सर्विस के लिए एक साथ अप्लाई कर सकती हैं। 3. सैटेलाइट इंटरनेट को लेकर सरकार सख्त अगर आप आने वाले समय में इलॉन मस्क की स्टारलिंक या अमेजॉन जैसी कंपनियों से सीधे सैटेलाइट (बिना तार या टावर वाला डायरेक्ट इंटरनेट) लेने की सोच रहे हैं, तो सरकार ने आपकी सुरक्षा के लिए कड़े नियम बनाए हैं। 4. आपका पर्सनल डेटा सुरक्षित रहेगा आजकल सबसे बड़ा डर डेटा चोरी या लीक होने का होता है। सरकार ने इस पर बेहद सख्त नियम बनाया है। टेलीकॉम कंपनियों के लिए अब यह जरूरी कर दिया गया है कि वे भारतीय यूजर्स का सारा डेटा और रिकॉर्ड भारत के अंदर ही स्टोर कर रखेंगी। 5. देश की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं जम्मू-कश्मीर या उत्तर-पूर्व जैसे संवेदनशील इलाकों में नेटवर्क लगाने के लिए कंपनियों को विशेष सुरक्षा मंजूरी लेनी होगी। साथ ही, देश विरोधी या संदिग्ध संदेशों पर नजर रखने के लिए भी कंपनियों को सिस्टम बनाना होगा।
Messi Statue Inauguration | Patagonia Argentina

Hindi News Sports Messi Statue Inauguration | Patagonia Argentina | World Cup Record स्पोर्ट्स डेस्क2 मिनट पहले कॉपी लिंक अर्जेंटीना के कप्तान लियोनेल मेसी को 39वें जन्मदिन में उनका सबसे बड़ा स्टैच्यू बनाया गया है। अर्जेंटीना के पटागोनिया के कट्राल शहर में मेसी की 85 फीट ऊंची मूर्ती का उद्धघाटन किया गया। यह दुनिया में मेसी की अब तक की सबसे बड़ी प्रतिमा है। स्टैच्यू को बनाने में 70 हजार किलो (70 टन) स्टील का इस्तेमाल हुआ। इसे तैयार करने में 18 महीने लगे।यह सम्मान मेसी के वर्ल्डकप इतिहास में सबसे ज्यादा गोल करने वाले खिलाड़ी बनने के दो दिन बाद मिला। मेसी ने सोमवार को ऑस्ट्रिया के खिलाफ दो गोल दागकर जर्मनी के मिरोस्लाव क्लोजे का रिकॉर्ड तोड़ा था। उनके नाम अब 18 वर्ल्डकप गोल हो चुके हैं। मेसी के स्टैच्यू की फोटो… 85 फीट ऊंची मूर्ति के सामने खड़े स्थानीय लोग। कट्राल को शहर में मेसी के हजारों फैंस जुटे। मूर्ति में 2022 वर्ल्डकप फाइनल के बाद जश्न मनाते मेसी। 2022 वर्ल्डकप फाइनल का पल दिखाती है प्रतिमा प्रतिमा में मेसी को कतर वर्ल्डकप 2022 फाइनल के बाद घुटनों पर बैठे हुए दिखाया गया है। फ्रांस के खिलाफ फाइनल में गोंजालो मोंटिएल के पेनल्टी गोल के बाद अर्जेंटीना वर्ल्ड चैंपियन बना था। मूर्ति में मेसी एक हाथ में अर्जेंटीना की जर्सी पकड़े हुए हैं, जबकि दूसरे हाथ की उंगली आसमान की ओर उठी हुई है। गोल करने के बाद मेसी अक्सर अपनी दादी को श्रद्धांजलि देने के लिए ऐसा जश्न मनाते हैं। स्थानीय कलाकार ने तैयार की विशाल प्रतिमा 61 साल के स्थानीय मूर्तिकार एल्डो बेरोइसा ने इस प्रतिमा को तैयार किया है। इससे पहले वे डायनासोर और अर्जेंटीना के स्वतंत्रता सेनानियों की विशाल मूर्तियां बना चुके हैं। बेरोइसा ने कहा, मेसी अर्जेंटीना के राजदूत हैं। एक कलाकार और अर्जेंटीनी होने के नाते यह मेरे लिए बेहद खास परियोजना थी। भारत में बनी 70 फीट की प्रतिमा हटानी पड़ी थी मेसी ने पिछले साल दिसंबर में भारत का दौरा किया था। इसी दौरान वेस्ट बंगाल में उनकी 70 फीट ऊंची प्रतिमा बनाई गई थी। 27 दिनों में तैयार हुई उस प्रतिमा को दुनिया के सबसे बड़े फुटबॉलर स्मारकों में गिना गया था, लेकिन इसी महीने स्थानीय प्रशासन ने उसे हटाने का आदेश दे दिया। अधिकारियों के मुताबिक तेज हवा में प्रतिमा हिल रही थी और सुरक्षा के लिहाज से खतरा बन सकती थी। मेसी की वेस्ट बंगाल में 70 फीट ऊंची मूर्ति बनाई गई थी। मेसी के सम्मान में बना नया म्यूरल वर्ल्डकप के दौरान अर्जेंटीना की राजधानी ब्यूनस आयर्स में मेसी के सम्मान में एक विशाल म्यूरल भी बनाया गया है। करीब 20 फीट चौड़ी और 18 फीट ऊंची इस कलाकृति पर 1300 प्रशंसकों ने अपने नाम लिखे हैं। कलाकार लियोनेल गार्सिया ने 18 दिनों में यह म्यूरल तैयार किया। मेसी ने वीडियो संदेश के जरिए सभी प्रशंसकों का धन्यवाद किया और कहा, आप सभी का बहुत-बहुत शुक्रिया। जो लोग इस पहल से जुड़े और लगातार समर्थन कर रहे हैं, मैं उनका आभारी हूं। मेसी के सम्मान में बना म्यूरल। —————————————— मेसी से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… मेसी वर्ल्ड कप इतिहास के सबसे सफल गोल स्कोरर बने अर्जेंटीना के कप्तान लियोनेल मेसी फुटबॉल वर्ल्ड कप में सबसे ज्यादा गोल करने वाले खिलाड़ी बन गए हैं। ऑस्ट्रिया के खिलाफ मेसी ने पहले अपना 17वां गोल दागकर जर्मनी के मिरोस्लाव क्लोजा (16 गोल) का रिकॉर्ड तोड़ा और फिर मैच के आखिरी में एक और गोल कर इसे 18 तक पहुंचा दिया। पढ़ें पूरी खबर… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…








