Saturday, 01 Aug 2026 | 06:53 AM

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Tatkal Ticket New Token System & CKYC 2.0 Rules

Tatkal Ticket New Token System & CKYC 2.0 Rules

2 मिनट पहले कॉपी लिंक आज यानी, 1 अगस्त 2026 से कॉमर्शियल सिलेंडर औसतम 200 रुपए तक सस्ता हो गया है। वहीं तत्काल ट्रेन बुकिंग नियम और CKYC के नियम बदल गए हैं। इसके अलावा 3 से 5 अगस्त को होने वाली आरबीआई की मीटिंग में नई ब्याज दरों पर फैसले लिया जाएगा जिसका आपकी ईएमआई पर असर पड़ सकता है। अगस्त में होने जा रहे 5 बड़े बदलाव… 1. कॉमर्शियल गैस सिलेंडर ओसतन 180 रुपए सस्ता बदलाव: तेल कंपनियों ने कॉमर्शियल गैस सिलेंडर औसतन ₹180 रुपए तक सस्ता कर दिया है। दिल्ली में इसकी कीमत ₹2930 हो गई है। पहले ये ₹3113.50 में मिल रहा था। असर: कॉमर्शियल सिलेंडर के दाम घटने से रेस्टोरेंट मालिकों का खर्च घटेगा। ऐसे में वे चाय, नाश्ते और थाली सस्ते कर सकते हैं। शादियों की कैटरिंग भी सस्ती हो सकती है। देश के प्रमुख शहरों में कॉमर्शियल गैस सिलेंडर की कीमत शहर नई कीमत पुरानी कीमत अंतर दिल्ली ₹2738.00 ₹2930.00 ₹192 कोलकाता ₹2872.50 ₹3081.50 ₹209 मुंबई ₹2691.50 ₹2885.50 ₹194 चेन्नई ₹2906.00 ₹3106.00 ₹200 14 किलो वाले घरेलू सिलेंडर के दाम में कोई बदलाव नहीं 2. रेलवे: तत्काल टिकट के लिए नया टोकन सिस्टम बदलाव: 1 अगस्त से रेलवे PRS रिज़र्वेशन काउंटरों पर भीड़ कम करने के लिए टोकन-बेस्ड सिस्टम लागू कर रहा है। काउंटरों से तत्काल टिकट लेने से पहले यात्रियों को टोकन लेना होगा। असर: इस नई व्यवस्था से काउंटरों पर यात्रियों का वेटिंग टाइम कम होगा। नए रिवाइज्ड प्रोसेस के तहत यात्री काउंटर से अपना टोकन कलेक्ट कर सकते हैं। टोकन मिलने के बाद वे अपने दिए गए अलॉटेड समय पर आकर आसानी से अपनी बुकिंग पूरी कर सकते हैं। 3. RBI मॉनेटरी पॉलिसी: लोन EMI और FD दरों पर असर बदलाव: रिजर्व बैंक की मॉनेटरी पॉलिसी कमेटी (MPC) की बैठक 3 अगस्त से 5 अगस्त तक आयोजित होगी। इसके फैसलों का ऐलान 5 अगस्त को किया जाएगा। असर: ब्याज दरों में बदलाव की उम्मीद कम है, लेकिन अगर इसमें कोई भी बदवाल होता है तो आने वाले हफ्तों में आपके लोन की EMI, FD रिटर्न्स और लोन पर असर होगा। 4. CKYC 2.0: हर नई जगह कागजात जमा करने की जरूरत नहीं बदलाव: सेंट्रल नो योर कस्टमर यानी CKYC 2.0 का नया अपग्रेडेड सिस्टम रोलआउट हो रहा है। इसका सीधा सा मतलब यह है कि अगर आप बैंक खाता खोलते हैं, बीमा लेते हैं या म्यूचुअल फंड/शेयर बाज़ार में निवेश करते हैं, तो आपकी मंज़ूरी से ये सभी कंपनियां एक ही सरकारी डेटाबेस से आपकी KYC की जानकारी ले लेंगी। पुराने सिस्टम में जो कमियां और गड़बड़ियां थीं, उन्हें ठीक कर डेटा को और सुरक्षित व सटीक बनाया गया है। असर: डेटा सिक्योरिटी मजबूत होगी, फ्रॉड पर लगाम लगेगी। अब आपको हर नई जगह पर बार-बार अपने कागज़ात (आईडी और एड्रेस प्रूफ) जमा करने की झंझट नहीं झेलनी पड़ेगी। 5. क्रेडिट कार्ड और बैंकिंग: बिलिंग में पारदर्शिता बदलाव: RBI ने क्रेडिट कार्ड के नियमों को अपडेट किया है ताकि बिलिंग में पारदर्शिता बढ़ाई जा सके। इसके अनुसार, यदि कोई ग्राहक क्रेडिट कार्ड का पूरा बिल नहीं भर पाता है, तो बाकी बचे बकाया पैसों पर ब्याज लगाते समय सुविधा शुल्क, पेनल्टी और टैक्स को उसमें शामिल नहीं किया जाएगा। असर: इस बदलाव से उन ग्राहकों को राहत मिलेगी जो पूरा बिल चुकाने के बजाय बकाया राशि को अगले महीने के लिए आगे बढ़ाते हैं, क्योंकि उनके लिए ब्याज का खर्च कम हो जाएगा। साथ ही, हिडन चार्ज और मनमानी पेनल्टी पर रोक लगने से बिलिंग सिस्टम अधिक पारदर्शी बनेगा। दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…

Tatkal Ticket New Token System & CKYC 2.0 Rules

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29 मिनट पहले कॉपी लिंक आज यानी, 1 अगस्त 2026 से कॉमर्शियल सिलेंडर औसतम 200 रुपए तक सस्ता हो गया है। वहीं तत्काल ट्रेन बुकिंग नियम और CKYC के नियम बदल गए हैं। इसके अलावा 3 से 5 अगस्त को होने वाली आरबीआई की मीटिंग में नई ब्याज दरों पर फैसले लिया जाएगा जिसका आपकी ईएमआई पर असर पड़ सकता है। अगस्त में होने जा रहे 5 बड़े बदलाव… 1. कॉमर्शियल गैस सिलेंडर ओसतन 180 रुपए सस्ता बदलाव: तेल कंपनियों ने कॉमर्शियल गैस सिलेंडर औसतन ₹180 रुपए तक सस्ता कर दिया है। दिल्ली में इसकी कीमत ₹2930 हो गई है। पहले ये ₹3113.50 में मिल रहा था। असर: कॉमर्शियल सिलेंडर के दाम घटने से रेस्टोरेंट मालिकों का खर्च घटेगा। ऐसे में वे चाय, नाश्ते और थाली सस्ते कर सकते हैं। शादियों की कैटरिंग भी सस्ती हो सकती है। देश के प्रमुख शहरों में कॉमर्शियल गैस सिलेंडर की कीमत शहर नई कीमत पुरानी कीमत अंतर दिल्ली ₹2738.00 ₹2930.00 ₹192 कोलकाता ₹2872.50 ₹3081.50 ₹209 मुंबई ₹2691.50 ₹2885.50 ₹194 चेन्नई ₹2906.00 ₹3106.00 ₹200 14 किलो वाले घरेलू सिलेंडर के दाम में कोई बदलाव नहीं 2. रेलवे: तत्काल टिकट के लिए नया टोकन सिस्टम बदलाव: 1 अगस्त से रेलवे PRS रिज़र्वेशन काउंटरों पर भीड़ कम करने के लिए टोकन-बेस्ड सिस्टम लागू कर रहा है। काउंटरों से तत्काल टिकट लेने से पहले यात्रियों को टोकन लेना होगा। असर: इस नई व्यवस्था से काउंटरों पर यात्रियों का वेटिंग टाइम कम होगा। नए रिवाइज्ड प्रोसेस के तहत यात्री काउंटर से अपना टोकन कलेक्ट कर सकते हैं। टोकन मिलने के बाद वे अपने दिए गए अलॉटेड समय पर आकर आसानी से अपनी बुकिंग पूरी कर सकते हैं। 3. RBI मॉनेटरी पॉलिसी: लोन EMI और FD दरों पर असर बदलाव: रिजर्व बैंक की मॉनेटरी पॉलिसी कमेटी (MPC) की बैठक 3 अगस्त से 5 अगस्त तक आयोजित होगी। इसके फैसलों का ऐलान 5 अगस्त को किया जाएगा। असर: ब्याज दरों में बदलाव की उम्मीद कम है, लेकिन अगर इसमें कोई भी बदवाल होता है तो आने वाले हफ्तों में आपके लोन की EMI, FD रिटर्न्स और लोन पर असर होगा। 4. CKYC 2.0: हर नई जगह कागजात जमा करने की जरूरत नहीं बदलाव: सेंट्रल नो योर कस्टमर यानी CKYC 2.0 का नया अपग्रेडेड सिस्टम रोलआउट हो रहा है। इसका सीधा सा मतलब यह है कि अगर आप बैंक खाता खोलते हैं, बीमा लेते हैं या म्यूचुअल फंड/शेयर बाज़ार में निवेश करते हैं, तो आपकी मंज़ूरी से ये सभी कंपनियां एक ही सरकारी डेटाबेस से आपकी KYC की जानकारी ले लेंगी। पुराने सिस्टम में जो कमियां और गड़बड़ियां थीं, उन्हें ठीक कर डेटा को और सुरक्षित व सटीक बनाया गया है। असर: डेटा सिक्योरिटी मजबूत होगी, फ्रॉड पर लगाम लगेगी। अब आपको हर नई जगह पर बार-बार अपने कागज़ात (आईडी और एड्रेस प्रूफ) जमा करने की झंझट नहीं झेलनी पड़ेगी। 5. क्रेडिट कार्ड और बैंकिंग: बिलिंग में पारदर्शिता बदलाव: RBI ने क्रेडिट कार्ड के नियमों को अपडेट किया है ताकि बिलिंग में पारदर्शिता बढ़ाई जा सके। इसके अनुसार, यदि कोई ग्राहक क्रेडिट कार्ड का पूरा बिल नहीं भर पाता है, तो बाकी बचे बकाया पैसों पर ब्याज लगाते समय सुविधा शुल्क, पेनल्टी और टैक्स को उसमें शामिल नहीं किया जाएगा। असर: इस बदलाव से उन ग्राहकों को राहत मिलेगी जो पूरा बिल चुकाने के बजाय बकाया राशि को अगले महीने के लिए आगे बढ़ाते हैं, क्योंकि उनके लिए ब्याज का खर्च कम हो जाएगा। साथ ही, हिडन चार्ज और मनमानी पेनल्टी पर रोक लगने से बिलिंग सिस्टम अधिक पारदर्शी बनेगा। दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…

फिल्म फ्लॉप हुई तो रोती हुई घर गईं सोनाली सहगल:हिमांश कोहली ने कहा- ‘यारियां’ के बाद लगा, अब सब खत्म हो गया

फिल्म फ्लॉप हुई तो रोती हुई घर गईं सोनाली सहगल:हिमांश कोहली ने कहा- ‘यारियां’ के बाद लगा, अब सब खत्म हो गया

फिल्म ‘आर्य भट्ट का जीरो’ खुद पर भरोसा और सपनों के लिए संघर्ष की कहानी है। दैनिक भास्कर से बातचीत में सोनाली सहगल, हिमांश कोहली और डायरेक्टर कमल चंद्रा ने ऐसे अनुभव साझा किए, जब लोगों ने उन पर भरोसा नहीं किया, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी। सोनाली ने बताया कि एक फिल्म के फ्लॉप होने के बाद वह कार में रोते हुए घर गई थीं। हिमांश ने कहा कि ‘यारियां’ के बाद लगातार फिल्में नहीं चलीं तो लगा कि करियर खत्म हो गया। सवाल: फिल्म का संदेश है कि खुद पर भरोसा सबसे जरूरी है। आपकी जिंदगी में ऐसा कब हुआ? जवाब/सोनाली सहगल: मेरे अंदर हमेशा आत्मविश्वास था, लेकिन मुझसे ज्यादा भरोसा मेरी मम्मी को था। उन्होंने मेरे मिस इंडिया बनने से पहले ही कहा था कि उनकी बेटी मिस इंडिया बनेगी। लोग हंसते थे, लेकिन उनका विश्वास कभी नहीं डगमगाया। आज मुझे लगता है कि परिवार का एक इंसान भी आप पर पूरा भरोसा करे, तो आधी लड़ाई वहीं जीत जाती है। इसलिए सेल्फ बिलीफ के साथ परिवार का भरोसा भी जरूरी है। सवाल: हिमांश, आपके साथ भी ऐसा कुछ हुआ था? जवाब/हिमांश कोहली: बचपन से मुझे फिल्मों का शौक था। जब लोगों से कहता था कि मुझे एक्टर बनना है, तो ज्यादातर लोग सपना छोड़ने की सलाह देते थे। स्कूल में मैंने झूठ बोल दिया कि मैं धारा तेल के विज्ञापन वाला बच्चा हूं। पूरे स्कूल ने भरोसा कर लिया, लेकिन बाद में सच सामने आ गया। इसके बाद मुझे बुलिंग झेलनी पड़ी। सीनियर्स मजाक उड़ाते थे और सजा भी देते थे। तभी मैंने तय किया कि सच में एक्टर बनकर दिखाऊंगा। सवाल: उस घटना ने आपको कितना बदला? जवाब/हिमांश कोहली: उस वक्त बहुत बुरा लगा था, लेकिन आज लगता है कि अगर वह घटना नहीं होती तो शायद मैं इतनी मेहनत नहीं करता। मैंने थिएटर शुरू किया, एक्टिंग सीखी और कई संस्थानों में ट्रेनिंग ली। मेरे माता-पिता ने हर कदम पर साथ दिया। आज पुराने दोस्त कहते हैं, ‘यार, तूने सच में अपना सपना पूरा कर लिया।’ सवाल: परिवार का साथ कितना जरूरी रहा? जवाब/हिमांश कोहली: अगर मेरे माता-पिता साथ नहीं देते तो मैं एक्टिंग की पढ़ाई नहीं कर पाता। उन्होंने सिर्फ पढ़ाई नहीं, मेरे सपने पर भी भरोसा किया। वही भरोसा मुझे यहां तक लेकर आया। सवाल: कमल जी, आपकी कहानी भी कुछ ऐसी ही है? जवाब/कमल चंद्रा: बिल्कुल। मैं इंजीनियर था। अच्छी नौकरी थी, लेकिन एक्टिंग वर्कशॉप के बाद लगा कि मुझे फिल्मों में काम करना है। मैंने चार सरकारी नौकरियां छोड़ दीं। रिश्तेदारों ने मना किया, लेकिन पिता ने कहा, ‘तूने मेरा सपना पूरा कर दिया, अब अपना सपना जी।’ उसी बात ने मुझे कभी पीछे मुड़कर नहीं देखने दिया। सवाल: हिमांश क्या आप भी अपने माता-पिता का कोई अधूरा सपना भी जी रहे हैं? जवाब/हिमांश कोहली: बिल्कुल। मेरी मां कलाकार बनना चाहती थीं। उन्हें गायन, पेंटिंग और अभिनय का शौक था, लेकिन कम उम्र में शादी होने से उनका सपना अधूरा रह गया। आज फिल्मों में काम करते हुए लगता है कि मैं अपना ही नहीं, मां का सपना भी पूरा कर रहा हूं। उन्होंने एक बार ऋषि कपूर और जितेंद्र से मिलने की इच्छा जताई थी। जब मैं उन्हें दोनों कलाकारों से मिलवा पाया तो लगा कि मेरी मेहनत सफल हो गई। उनके चेहरे की खुशी मेरे लिए किसी अवॉर्ड से कम नहीं थी। सवाल: कमल जी, आपकी जिंदगी का सबसे भावुक पल कौन-सा रहा? जवाब/कमल चंद्रा: मेरी पहली फिल्म के दौरान महेश भट्ट ने मेरे पिता से फोन पर मेरी तारीफ की थी। फोन कटने के बाद पापा की खुशी देखने लायक थी। उन्होंने कहा, “मुझे पता था, मेरा बेटा कुछ अच्छा करेगा।” माता-पिता की आंखों में अपने लिए गर्व देखना सबसे बड़ी उपलब्धि होती है। सवाल: ‘आर्य भट्ट का जीरो’ की कहानी में ऐसी क्या बात थी, जिसने आपको सबसे ज्यादा प्रभावित किया? जवाब/हिमांश कोहली: मुझे ‘बग्गू’ का किरदार बहुत पसंद आया। वह सिखाता है कि जिंदगी मंजिल से भटका सकती है, लेकिन सपना और मेहनत नहीं छोड़ें तो एक दिन मंजिल जरूर मिलती है। हालात जैसे भी हों, उम्मीद नहीं छोड़नी चाहिए। सवाल: शूटिंग के दौरान सबसे बड़ी सीख क्या मिली? जवाब/हिमांश कोहली: इस फिल्म की सबसे बड़ी ताकत इसकी टीम है। रवि किशन, राजेश शर्मा, गोपाल दत्त, नीरज सूद और बाकी कलाकारों के साथ बातचीत करना एक एक्टिंग स्कूल जैसा था। हर कलाकार अपने संघर्ष और अनुभव साझा करता था। उनसे बहुत कुछ सीखने को मिला। सवाल: कमल जी, शूटिंग से जुड़ा कोई दिलचस्प किस्सा? जवाब/कमल चंद्रा: जिस घर में शूटिंग हुई, उसके मालिक बाद में उसे रेनोवेट करने वाले थे। लेकिन फिल्म पूरी होने के बाद उन्होंने फैसला बदल दिया। उन्हें लगा कि यह घर फिल्म की यादों से जुड़ गया है, इसलिए इसे जैसा है, वैसा ही रहने देना चाहिए। यह हमारे लिए बहुत खास पल था। सवाल: फिल्म का सबसे बड़ा संदेश क्या है? जवाब/कमल चंद्रा: हर इंसान जिंदगी में कभी न कभी खुद को ‘जीरो’ महसूस करता है। हमारी फिल्म कहती है कि खुद पर भरोसा और मेहनत बनी रहे, तो वही इंसान एक दिन हीरो बन सकता है। सवाल: सोनाली, आपने ‘आर्य भट्ट का जीरो’ के लिए हां क्यों कहा? जवाब/सोनाली सहगल: मेरे लिए किसी भी फिल्म में सबसे अहम उसकी कहानी होती है। कमल ने स्क्रिप्ट सुनाई तो उसमें बनावटीपन नहीं, बल्कि सच्चाई दिखी। हर किरदार असली लगा और यही बात सबसे ज्यादा पसंद आई। सवाल: रिंकू का किरदार आपके लिए कितना चुनौतीपूर्ण था? जवाब/सोनाली सहगल: इस फिल्म से पहले मैं अलग जॉनर की फिल्म कर रही थी। वहां मेरा किरदार और दुनिया अलग थे। ‘रिंकू’ छोटे शहर की साधारण लड़की है, इसलिए उसके हावभाव, बोलने के तरीके और सोच पर अलग तरह से काम करना पड़ा। एक कलाकार के तौर पर यही चुनौती सबसे ज्यादा पसंद आई। सवाल: इस फिल्म में सबसे खास बात क्या लगी? जवाब/सोनाली सहगल: मुझे लगा कि इस फिल्म का हर किरदार कुछ न कुछ सिखाता है। कोई उम्मीद देता है, कोई रिश्तों की अहमियत समझाता है और कोई संघर्ष से लड़ना सिखाता है। यही इसकी सबसे बड़ी खूबी है। सवाल: दर्शक ‘आर्य भट्ट का जीरो’ देखकर क्या महसूस करेंगे? जवाब/हिमांश कोहली: अगर लगे कि

फिल्म फ्लॉप हुई तो रोती हुई घर गईं सोनाली सहगल:हिमांश कोहली ने कहा- ‘यारियां’ के बाद लगा, अब सब खत्म हो गया

फिल्म फ्लॉप हुई तो रोती हुई घर गईं सोनाली सहगल:हिमांश कोहली ने कहा- ‘यारियां’ के बाद लगा, अब सब खत्म हो गया

फिल्म ‘आर्य भट्ट का जीरो’ खुद पर भरोसा और सपनों के लिए संघर्ष की कहानी है। दैनिक भास्कर से बातचीत में सोनाली सहगल, हिमांश कोहली और डायरेक्टर कमल चंद्रा ने ऐसे अनुभव साझा किए, जब लोगों ने उन पर भरोसा नहीं किया, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी। सोनाली ने बताया कि एक फिल्म के फ्लॉप होने के बाद वह कार में रोते हुए घर गई थीं। हिमांश ने कहा कि ‘यारियां’ के बाद लगातार फिल्में नहीं चलीं तो लगा कि करियर खत्म हो गया। सवाल: फिल्म का संदेश है कि खुद पर भरोसा सबसे जरूरी है। आपकी जिंदगी में ऐसा कब हुआ? जवाब/सोनाली सहगल: मेरे अंदर हमेशा आत्मविश्वास था, लेकिन मुझसे ज्यादा भरोसा मेरी मम्मी को था। उन्होंने मेरे मिस इंडिया बनने से पहले ही कहा था कि उनकी बेटी मिस इंडिया बनेगी। लोग हंसते थे, लेकिन उनका विश्वास कभी नहीं डगमगाया। आज मुझे लगता है कि परिवार का एक इंसान भी आप पर पूरा भरोसा करे, तो आधी लड़ाई वहीं जीत जाती है। इसलिए सेल्फ बिलीफ के साथ परिवार का भरोसा भी जरूरी है। सवाल: हिमांश, आपके साथ भी ऐसा कुछ हुआ था? जवाब/हिमांश कोहली: बचपन से मुझे फिल्मों का शौक था। जब लोगों से कहता था कि मुझे एक्टर बनना है, तो ज्यादातर लोग सपना छोड़ने की सलाह देते थे। स्कूल में मैंने झूठ बोल दिया कि मैं धारा तेल के विज्ञापन वाला बच्चा हूं। पूरे स्कूल ने भरोसा कर लिया, लेकिन बाद में सच सामने आ गया। इसके बाद मुझे बुलिंग झेलनी पड़ी। सीनियर्स मजाक उड़ाते थे और सजा भी देते थे। तभी मैंने तय किया कि सच में एक्टर बनकर दिखाऊंगा। सवाल: उस घटना ने आपको कितना बदला? जवाब/हिमांश कोहली: उस वक्त बहुत बुरा लगा था, लेकिन आज लगता है कि अगर वह घटना नहीं होती तो शायद मैं इतनी मेहनत नहीं करता। मैंने थिएटर शुरू किया, एक्टिंग सीखी और कई संस्थानों में ट्रेनिंग ली। मेरे माता-पिता ने हर कदम पर साथ दिया। आज पुराने दोस्त कहते हैं, ‘यार, तूने सच में अपना सपना पूरा कर लिया।’ सवाल: परिवार का साथ कितना जरूरी रहा? जवाब/हिमांश कोहली: अगर मेरे माता-पिता साथ नहीं देते तो मैं एक्टिंग की पढ़ाई नहीं कर पाता। उन्होंने सिर्फ पढ़ाई नहीं, मेरे सपने पर भी भरोसा किया। वही भरोसा मुझे यहां तक लेकर आया। सवाल: कमल जी, आपकी कहानी भी कुछ ऐसी ही है? जवाब/कमल चंद्रा: बिल्कुल। मैं इंजीनियर था। अच्छी नौकरी थी, लेकिन एक्टिंग वर्कशॉप के बाद लगा कि मुझे फिल्मों में काम करना है। मैंने चार सरकारी नौकरियां छोड़ दीं। रिश्तेदारों ने मना किया, लेकिन पिता ने कहा, ‘तूने मेरा सपना पूरा कर दिया, अब अपना सपना जी।’ उसी बात ने मुझे कभी पीछे मुड़कर नहीं देखने दिया। सवाल: हिमांश क्या आप भी अपने माता-पिता का कोई अधूरा सपना भी जी रहे हैं? जवाब/हिमांश कोहली: बिल्कुल। मेरी मां कलाकार बनना चाहती थीं। उन्हें गायन, पेंटिंग और अभिनय का शौक था, लेकिन कम उम्र में शादी होने से उनका सपना अधूरा रह गया। आज फिल्मों में काम करते हुए लगता है कि मैं अपना ही नहीं, मां का सपना भी पूरा कर रहा हूं। उन्होंने एक बार ऋषि कपूर और जितेंद्र से मिलने की इच्छा जताई थी। जब मैं उन्हें दोनों कलाकारों से मिलवा पाया तो लगा कि मेरी मेहनत सफल हो गई। उनके चेहरे की खुशी मेरे लिए किसी अवॉर्ड से कम नहीं थी। सवाल: कमल जी, आपकी जिंदगी का सबसे भावुक पल कौन-सा रहा? जवाब/कमल चंद्रा: मेरी पहली फिल्म के दौरान महेश भट्ट ने मेरे पिता से फोन पर मेरी तारीफ की थी। फोन कटने के बाद पापा की खुशी देखने लायक थी। उन्होंने कहा, “मुझे पता था, मेरा बेटा कुछ अच्छा करेगा।” माता-पिता की आंखों में अपने लिए गर्व देखना सबसे बड़ी उपलब्धि होती है। सवाल: ‘आर्य भट्ट का जीरो’ की कहानी में ऐसी क्या बात थी, जिसने आपको सबसे ज्यादा प्रभावित किया? जवाब/हिमांश कोहली: मुझे ‘बग्गू’ का किरदार बहुत पसंद आया। वह सिखाता है कि जिंदगी मंजिल से भटका सकती है, लेकिन सपना और मेहनत नहीं छोड़ें तो एक दिन मंजिल जरूर मिलती है। हालात जैसे भी हों, उम्मीद नहीं छोड़नी चाहिए। सवाल: शूटिंग के दौरान सबसे बड़ी सीख क्या मिली? जवाब/हिमांश कोहली: इस फिल्म की सबसे बड़ी ताकत इसकी टीम है। रवि किशन, राजेश शर्मा, गोपाल दत्त, नीरज सूद और बाकी कलाकारों के साथ बातचीत करना एक एक्टिंग स्कूल जैसा था। हर कलाकार अपने संघर्ष और अनुभव साझा करता था। उनसे बहुत कुछ सीखने को मिला। सवाल: कमल जी, शूटिंग से जुड़ा कोई दिलचस्प किस्सा? जवाब/कमल चंद्रा: जिस घर में शूटिंग हुई, उसके मालिक बाद में उसे रेनोवेट करने वाले थे। लेकिन फिल्म पूरी होने के बाद उन्होंने फैसला बदल दिया। उन्हें लगा कि यह घर फिल्म की यादों से जुड़ गया है, इसलिए इसे जैसा है, वैसा ही रहने देना चाहिए। यह हमारे लिए बहुत खास पल था। सवाल: फिल्म का सबसे बड़ा संदेश क्या है? जवाब/कमल चंद्रा: हर इंसान जिंदगी में कभी न कभी खुद को ‘जीरो’ महसूस करता है। हमारी फिल्म कहती है कि खुद पर भरोसा और मेहनत बनी रहे, तो वही इंसान एक दिन हीरो बन सकता है। सवाल: सोनाली, आपने ‘आर्य भट्ट का जीरो’ के लिए हां क्यों कहा? जवाब/सोनाली सहगल: मेरे लिए किसी भी फिल्म में सबसे अहम उसकी कहानी होती है। कमल ने स्क्रिप्ट सुनाई तो उसमें बनावटीपन नहीं, बल्कि सच्चाई दिखी। हर किरदार असली लगा और यही बात सबसे ज्यादा पसंद आई। सवाल: रिंकू का किरदार आपके लिए कितना चुनौतीपूर्ण था? जवाब/सोनाली सहगल: इस फिल्म से पहले मैं अलग जॉनर की फिल्म कर रही थी। वहां मेरा किरदार और दुनिया अलग थे। ‘रिंकू’ छोटे शहर की साधारण लड़की है, इसलिए उसके हावभाव, बोलने के तरीके और सोच पर अलग तरह से काम करना पड़ा। एक कलाकार के तौर पर यही चुनौती सबसे ज्यादा पसंद आई। सवाल: इस फिल्म में सबसे खास बात क्या लगी? जवाब/सोनाली सहगल: मुझे लगा कि इस फिल्म का हर किरदार कुछ न कुछ सिखाता है। कोई उम्मीद देता है, कोई रिश्तों की अहमियत समझाता है और कोई संघर्ष से लड़ना सिखाता है। यही इसकी सबसे बड़ी खूबी है। सवाल: दर्शक ‘आर्य भट्ट का जीरो’ देखकर क्या महसूस करेंगे? जवाब/हिमांश कोहली: अगर लगे कि

Kejriwal E20 Fuel Protest | National Town Hall Delhi News

Kejriwal E20 Fuel Protest | National Town Hall Delhi News

नई दिल्ली23 मिनट पहले कॉपी लिंक आम आदमी पार्टी 1 अगस्त को E20 फ्यूल के मुद्दे पर ‘नेशनल टाउन हॉल’ करेगी। पार्टी ने कहा है कि इसकाे जरिए मामले से जुड़े सभी विशेषज्ञों को एक मंच पर लाया जाएगा। इस पर पार्टी के प्रमुख अरविंद केजरीवाल ने बुधवार को कहा कि लोग E20 फ्यूल की वजह से भारी परेशानी का सामना कर रहे हैं। गाड़ियां खराब हो रही हैं और माइलेज कम हो रहा है। इससे पहले कि यह मुद्दा एक बड़े आंदोलन का रूप ले ले, प्रधानमंत्री को इसमें हस्तक्षेप कर इसे हल करना चाहिए। भारत में क्यों हो रहा है E20 पेट्रोल का विरोध? भारत में 20% एथेनॉल और 80% पेट्रोल के इस मिश्रण (E20) का विरोध हो रहा है। खासकर 2023 से पहले बनी पेट्रोल गाड़ियों के मालिक परेशान हैं। उनका दावा है कि इस फ्यूल से गाड़ियों का माइलेज कम हो रहा है, मेंटेनेंस का खर्च बढ़ गया है और इंजन के पार्ट्स जल्दी खराब हो रहे हैं। टाउन हॉल में शामिल होने की प्रक्रिया AAP ने बताया कि इस टाउन हॉल में हजारों लोगों के शामिल होने की उम्मीद है। कार्यक्रम दोपहर 12 बजे शुरू होगा। दिल्ली और आसपास के शहरों के लोग जो व्यक्तिगत रूप से शामिल हो सकते हैं, उन्हें सुबह 11:30 बजे तक कॉन्स्टिट्यूशन क्लब पहुंचना होगा। जो लोग दिल्ली से बाहर हैं वे ऑनलाइन जुड़ सकते हैं। इच्छुक लोग साझा किए गए नंबर पर व्हाट्सएप मैसेज भेज सकते हैं। केजरीवाल ने कहा कि शुक्रवार शाम तक हम उन्हें एक लिंक भेजेंगे, जिसके जरिए वे शनिवार को चर्चा में शामिल हो सकेंगे। उन्होंने कहा कि इस कार्यक्रम में विशेषज्ञ और इस मुद्दे से प्रभावित लोग एक साथ आएंगे। हर किसी को बोलने का मौका मिलेगा और हम सरकार पर E20 नीति वापस लेने का दबाव बनाने के लिए भविष्य की रणनीति भी तैयार करेंगे। पार्टी ने कहा- दो लाख लोगों के साइन केजरीवाल ने कहा कि यह सिर्फ शुरुआत है। इससे पहले उन्होंने प्रधानमंत्री को संबोधित एक ऑनलाइन याचिका शुरू की थी, जिस पर दो लाख से अधिक लोगों ने हस्ताक्षर किए हैं। शनिवार के कार्यक्रम के बाद, वह प्रधानमंत्री आवास जाकर यह याचिका सौंपेंगे। केजरीवाल बोले- 30 करोड़ गाड़ियों को ‘कबाड़’ बना रही सरकार पत्रकारवार्ता में अरविंद केजरीवाल ने कहा कि सरकार ने ‘पुलिस का खौफ दिखाकर टाउन हॉल रोकने की नाकाम कोशिश की है। आम आदमी पार्टी (AAP) के संयोजक और पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने29 जुलाई को कहा कि मोदी सरकार पर जनता पर जबरन E-20 पेट्रोल थोपने और ऑटोमोबाइल कंपनियों पर गुंडागर्दी का आरोप लगाया है। उन्होंने दिल्ली में पत्रकारों से बातचीत में दावा किया कि देश की सड़कों पर 2023 से पहले की बनी लगभग 30 करोड़ गाड़ियां दौड़ रही हैं, जिन्हें मोदी सरकार E-20 पेट्रोल का इस्तेमाल करवाकर कबाड़ बनाने पर तुली हुई है। पूरी खबर पढ़ें… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…

Kejriwal E20 Fuel Protest | National Town Hall Delhi News

Kejriwal E20 Fuel Protest | National Town Hall Delhi News

नई दिल्ली1 घंटे पहले कॉपी लिंक आम आदमी पार्टी 1 अगस्त को E20 फ्यूल के मुद्दे पर ‘नेशनल टाउन हॉल’ करेगी। पार्टी ने कहा है कि इसकाे जरिए मामले से जुड़े सभी विशेषज्ञों को एक मंच पर लाया जाएगा। इस पर पार्टी के प्रमुख अरविंद केजरीवाल ने बुधवार को कहा कि लोग E20 फ्यूल की वजह से भारी परेशानी का सामना कर रहे हैं। गाड़ियां खराब हो रही हैं और माइलेज कम हो रहा है। इससे पहले कि यह मुद्दा एक बड़े आंदोलन का रूप ले ले, प्रधानमंत्री को इसमें हस्तक्षेप कर इसे हल करना चाहिए। भारत में क्यों हो रहा है E20 पेट्रोल का विरोध? भारत में 20% एथेनॉल और 80% पेट्रोल के इस मिश्रण (E20) का विरोध हो रहा है। खासकर 2023 से पहले बनी पेट्रोल गाड़ियों के मालिक परेशान हैं। उनका दावा है कि इस फ्यूल से गाड़ियों का माइलेज कम हो रहा है, मेंटेनेंस का खर्च बढ़ गया है और इंजन के पार्ट्स जल्दी खराब हो रहे हैं। टाउन हॉल में शामिल होने की प्रक्रिया AAP ने बताया कि इस टाउन हॉल में हजारों लोगों के शामिल होने की उम्मीद है। कार्यक्रम दोपहर 12 बजे शुरू होगा। दिल्ली और आसपास के शहरों के लोग जो व्यक्तिगत रूप से शामिल हो सकते हैं, उन्हें सुबह 11:30 बजे तक कॉन्स्टिट्यूशन क्लब पहुंचना होगा। जो लोग दिल्ली से बाहर हैं वे ऑनलाइन जुड़ सकते हैं। इच्छुक लोग साझा किए गए नंबर पर व्हाट्सएप मैसेज भेज सकते हैं। केजरीवाल ने कहा कि शुक्रवार शाम तक हम उन्हें एक लिंक भेजेंगे, जिसके जरिए वे शनिवार को चर्चा में शामिल हो सकेंगे। उन्होंने कहा कि इस कार्यक्रम में विशेषज्ञ और इस मुद्दे से प्रभावित लोग एक साथ आएंगे। हर किसी को बोलने का मौका मिलेगा और हम सरकार पर E20 नीति वापस लेने का दबाव बनाने के लिए भविष्य की रणनीति भी तैयार करेंगे। पार्टी ने कहा- दो लाख लोगों के साइन केजरीवाल ने कहा कि यह सिर्फ शुरुआत है। इससे पहले उन्होंने प्रधानमंत्री को संबोधित एक ऑनलाइन याचिका शुरू की थी, जिस पर दो लाख से अधिक लोगों ने हस्ताक्षर किए हैं। शनिवार के कार्यक्रम के बाद, वह प्रधानमंत्री आवास जाकर यह याचिका सौंपेंगे। केजरीवाल बोले- 30 करोड़ गाड़ियों को ‘कबाड़’ बना रही सरकार पत्रकारवार्ता में अरविंद केजरीवाल ने कहा कि सरकार ने ‘पुलिस का खौफ दिखाकर टाउन हॉल रोकने की नाकाम कोशिश की है। आम आदमी पार्टी (AAP) के संयोजक और पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने29 जुलाई को कहा कि मोदी सरकार पर जनता पर जबरन E-20 पेट्रोल थोपने और ऑटोमोबाइल कंपनियों पर गुंडागर्दी का आरोप लगाया है। उन्होंने दिल्ली में पत्रकारों से बातचीत में दावा किया कि देश की सड़कों पर 2023 से पहले की बनी लगभग 30 करोड़ गाड़ियां दौड़ रही हैं, जिन्हें मोदी सरकार E-20 पेट्रोल का इस्तेमाल करवाकर कबाड़ बनाने पर तुली हुई है। पूरी खबर पढ़ें… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…

Warfare Shallow Watercraft Machilipatnam Navy Induct

Warfare Shallow Watercraft Machilipatnam Navy Induct

Hindi News Career Warfare Shallow Watercraft Machilipatnam Navy Induct | Telecom India 22 मिनट पहले कॉपी लिंक आज के प्रमुख करेंट अफेयर्स, जो सरकारी नौकरियों की तैयारी कर रहे स्टूडेंट्स के लिए जरूरी हैं- नेशनल (NATIONAL) 1. वॉरफेयर शैलो वॉटरक्राफ्ट मछलीपट्टनम नौसेना में शामिल हुआ 31 जुलाई को नौसेना ने वॉरफेयर शैलो वॉटरक्राफ्ट मछलीपट्टनम (BY 529) को लॉन्च करने की जानकारी दी। इसे कोचीन शिपयार्ड लिमिटेड (CSL) ने बनाया है और ये आठ एंटी-सबमरीन वॉरफेयर शैलो वॉटरक्राफ्ट (ASW SWC) में से सातवां है। ये माहे क्लास का एंटी-सबमरीन वॉरफेयर शैलो वाटर क्राफ्ट (ASW-SWC) है। इस जहाज का नाम आंध्र प्रदेश के कृष्णा जिले में मौजूद ऐतिहासिक शहर मछलीपट्टनम के नाम पर रखा गया है। नौसेना ने कहा कि ये जहाज मछलीपट्टनम ऐतिहासिक भावना और विरासत को दर्शाता है, साथ ही देश के समुद्री हितों की रक्षा के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को भी मजबूत करता है। मछलीपट्टनम तटीय और किनारे के पास के ऑपरेशन के लिए डिजाइन किया गया है। ये जहाज पानी के नीचे निगरानी, ​​एंटी-सबमरीन वॉरफेयर मिशन, कम स्पीड वाले समुद्री ऑपरेशन और माइन वॉरफेयर जैसे काम कर सकता है। कमीशन होने के बाद, यह नौसेना की तटीय सुरक्षा क्षमताओं को मज़बूत करेगा और समुद्री क्षेत्र की जानकारी (मैरीटाइम डोमेन अवेयरनेस) को काफी बढ़ाएगा। इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि वाइस एडमिरल अतुल आनंद मौजूद रहे। नौसेना ने कहा कि इस लॉन्चिंग से ASW SWC प्रोजेक्ट को पूरा करने की दिशा में एक और अहम उपलब्धि हासिल हुई है। मछलीपट्टनम को मिलिट्री अफेयर्स डिपार्टमेंट की एडिशनल सेक्रेटरी गुलरुख आनंद ने लॉन्च किया। समझौता ( Agreement) 2. पतंजलि मैग्मा जनरल इंश्योरेंस में हिस्सेदारी खरीदेगी 30 जुलाई को पतंजलि आयुर्वेद और धर्मपाल सत्यपाल (DS) ग्रुप को मैग्मा जनरल इंश्योरेंस में हिस्सेदारी खरीदने के लिए बीमा नियामक IRDAI से मंजूरी मिली। कंपनी ने स्टॉक एक्सचेंज फाइलिंग में इसकी जानकारी दी। ये डील 4,500 करोड़ रुपए में हुई। IRDAI ने 28 जुलाई 2026 के पत्र के जरिए इस अधिग्रहण को हरी झंडी दी है। यह मंजूरी पत्र जारी होने की तारीख से अगले 3 महीने तक मान्य रहेगी इस बीच साइन करना जरूरी होगा। इस डील के तहत पतंजलि आयुर्वेद 73.6% हिस्सेदारी खरीदेगी, जबकि धर्मपाल सत्यपाल ग्रुप 24.5% हिस्सेदारी खरीदेगा। IRDAI की मंजूरी मिलने के बाद अब पतंजलि मैग्मा जनरल इंश्योरेंस की प्रमोटर कंपनी बन जाएगी। वहीं DS ग्रुप इस कंपनी में को-इन्वेस्टर की भूमिका निभाएगा। रिपोर्ट्स के मुताबिक, कंपनी की ग्रोथ और सॉल्वेंसी को मजबूत करने के लिए पतंजलि आगे भी इंवेस्ट कर सकती है। IRDAI की मंजूरी जारी होने की तारीख से अगले तीन महीने तक वैलिड रहेगी। इस दौरान खरीदार समूह को शेयर ट्रांसफर की प्रक्रिया पूरी करनी होगी और नियामक की सभी शर्तों को पूरा करना होगा। मैग्मा जनरल इंश्योरेंस (पूर्व में मैग्मा एचडीआई) एक प्रमुख भारतीय सामान्य बीमा कंपनी है जो मोटर, स्वास्थ्य, और गृह बीमा जैसे उत्पाद प्रदान करती है IRDAI IRDAI का पूरा नाम इंश्योरेंस रेगुलेटरी एंड डेवलपमेंट अथॉरिटी ऑफ इंडिया है। IRDAI की स्थापना 1999 (IRDA Act, 1999 के तहत) हुई है। ये भारत में इंश्योरेंस रेगुलेटर है। जैसे RBI बैंकों को कंट्रोल करता है उसी तरह IRDAI बीमा कंपनियों की निगरानी करता है। IRDAI का हेडक्वाटर्र हैदराबाद, तेलंगाना में है। IRDAI के अध्यक्ष देबाशीष पांडा हैं। डील के बाद पतंजलि, मैग्मा जनरल इंश्योरेंस की प्रमोटर कंपनी बन जाएगी। इंटरनेशनल (INTERNATIONAL) 3. अमेरिकी ट्रेजरी डिपार्टमेंट ने ‘Skiez ट्रेवल्स’ को बैन किया 31 जुलाई को अमेरिकी ट्रेजरी विभाग (OFAC) ने भारत की संस्था ‘Skiez ट्रेवल्स’ को अमेरिका में प्रतिबंधित कर दिया है। इसके साथ ही अमेरिका ने चीन, रूस और ईरान की 6 कंपनियों पर भी प्रतिबंध लगाया है। इन कंपनियों पर ये बैन ईरान की एविएशन कंपनी ‘महान एयर’ और इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) को सपोर्ट करने के आरोप में लगाया गया है। ये सभी कंपनियां महान एयर के लिए सेल्स एजेंट या लॉजिस्टिक पार्टनर के रूप में काम कर रही थीं। इन संस्थाओं की अमेरिका में आने वाली सभी संपत्तियां ब्लॉक कर दी गई हैं। इस प्रतिबंध के तहत अमेरिकी नागरिक और कंपनियां इन संस्थानों के साथ कारोबार नहीं कर सकतीं। OFAC अमेरिका की वह एजेंसी है जो आर्थिक प्रतिबंध (Sanctions) लागू करती है। OFAC ने Skiez ट्रेवल्स को अपनी प्रतिबंधित लिस्ट में शामिल किया है। आरोप है कि कंपनी ने ईरान से संबंधित प्रतिबंधित गतिविधियों या लेन-देन में सहायता की, जो अमेरिकी प्रतिबंधों का उल्लंघन माना गया। Skiez ट्रेवल्स ने साल 2020 से ईरान की महान एयरवेज के लिए जनरल सेल्स एजेंट के तौर पर काम कर रही है। ईरान स्थित ‘दादेनेगार स्टार्टअप स्टूडियो’ पर IRGC के फ्रंट ऑर्गनाइजेशन के रूप में काम करने और अमेरिकी व इजराइली ठिकानों की जानकारी जुटाने का आरोप लगाया गया है। Skiez Travels स्काइज ट्रेवल्स एंड लॉजिस्टिक्स प्राइवेट लिमिटेड है। इसका ऑफिस श्रीनगर (जम्मू-कश्मीर) और नई दिल्ली में है। इसकी स्थापना 27 नवंबर 2020 को हुई थी। Skiez ट्रेवल्स ने साल 2020 से ईरान की महान एयरवेज के लिए जनरल सेल्स एजेंट के तौर पर काम कर रही है। स्पोर्ट्स (SPORTS) 4.135वें ‘डूरंड कप’ फुटबॉल टूर्नामेंट का शिलांग में शुभारंभ 31 जुलाई को मेघालय की राजधानी शिलांग में एशिया के सबसे पुराने फुटबॉल टूर्नामेंट का शुभारंभ हुआ। ये डूरंड कप का 135वां संस्करण है और शिलांग के जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम (पोलो ग्राउंड) में ग्रुप-ई के मुकाबलों की शुरू हुए। इस ग्रुप में मेघालय के तीन फुटबॉल क्लब शिलांग लाजोंग, नोंगक्सेह स्पोर्ट्स, सोशल एंड कल्चरल क्लब और लैंग्सनिंग फुटबॉल क्लब शामिल हैं। मेघालय के मुख्यमंत्री कॉनराड के. संगमा ने उद्घाटन समारोह में हिस्सा लिया। ये कप 23 अगस्त तक खेला जाएगा और इसमें 24 टीमें हिस्सा ले रही हैं। इन सभी टीमों को छह अलग-अलग ग्रुप में बांटा गया है। सेमीफाइनल 19 और 20 अगस्त को खेले जाएंगे। जबकि फाइनल 23 अगस्त को कोलकाता में होगा। इस खेल में भारतीय सशस्त्र बलों ने हथियारों और उपकरणों की एक प्रदर्शनी लगाई है, जिसे 3 अगस्त से जनता के लिए खोला जाएगा। 4. देश का पहला टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग जोन बनेगा 30 जुलाई को दूरसंचार विभाग (DoT) ने मध्य प्रदेश सरकार के साथ नई दिल्ली में एक MoU साइन किया। इस MoU के तहत ग्वालियर में भारत का पहला टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग जोन फेज-I (TMZ) बनाया जाएगा। इस पहल का मकसद