विद्युत जामवाल ने 15 मिनट रोकी सांस:20 मिनट नहीं झपकाईं पलकें; ‘स्ट्रीट फाइटर’ इवेंट में बोले- तुलना छोड़ो, दोस्त वाला सवाल पूछो

विद्युत जामवाल अपने खतरनाक स्टंट्स और फिटनेस के लिए पहचाने जाते हैं। अब उन्होंने ऐसा कारनामा किया है, जिसे देखकर ‘स्ट्रीट फाइटर’ के इवेंट में मौजूद लोग हैरान रह गए। एक्टर करीब 15 मिनट तक सांस रोककर एकटक बैठे रहे। उनकी आंखें खुली थीं और उन्होंने पलक तक नहीं झपकाई। कुछ देर बाद उनके पैरों में कंपन दिखाई दिया और आंखों से आंसू आने लगे। इसी इवेंट में विद्युत ने अपनी हॉलीवुड फिल्म, धलसिम के किरदार, शूटिंग के अनुभव और बॉलीवुड से तुलना पर भी खुलकर बात की। 15 मिनट तक रोकी सांस, आंखों से आने लगे आंसू ‘स्ट्रीट फाइटर’ के इवेंट में विद्युत जामवाल करीब 15 मिनट तक बिना सांस लिए और बिना पलक झपकाए बैठे रहे। शुरुआत में लोगों को लगा कि वह मेडिटेशन कर रहे हैं, लेकिन काफी देर तक इसी स्थिति में रहने पर सभी का ध्यान उनकी तरफ चला गया। करीब 15 मिनट बाद उनके पैरों में हल्का कंपन नजर आया और आंखों से पानी आने लगा। तब लोगों को समझ आया कि वह इतने लंबे समय से सांस रोककर बैठे थे। विद्युत की योग और मार्शल आर्ट्स की ट्रेनिंग लंबे समय से फिटनेस का हिस्सा रही है और इसका असर उनके एक्शन स्टंट्स में भी नजर आता है। बचपन में वीडियो गेम नहीं, खेलों पर था ध्यान इवेंट में विद्युत ने अपने हॉलीवुड डेब्यू और धलसिम के किरदार के बारे में भी बात की। उन्होंने बताया कि बचपन में उनका ध्यान वीडियो गेम खेलने के बजाय खेलों पर रहा। उनका मानना है कि यही वजह रही कि उन्हें आगे चलकर ‘स्ट्रीट फाइटर’ जैसी फिल्म में काम करने का मौका मिला। उन्होंने कहा कि उन्होंने पूरी जिंदगी इस तरह के किरदार के लिए मेहनत की है। फिल्म में काम करने के अनुभव को उन्होंने खास बताया। विद्युत के मुताबिक, उन्हें 50 सेंट, WWE रेसलर्स और दुनिया के कई दिग्गज कलाकारों के साथ काम करने का मौका मिला। बोले- मैंने इस रोल के लिए पूरी जिंदगी मेहनत की विद्युत ने बताया कि फिल्म के डायरेक्टर ने उनके पुराने काम को करीब से देखा था। उन्होंने पिछली फिल्में देखने के बाद ही उन्हें धलसिम के रोल के लिए चुना। किरदार की तैयारी में उनके लिए सबसे बड़ा सवाल सिर मुंडवाने का था, लेकिन मेकर्स ने शानदार प्रोस्थेटिक्स तैयार किए, इसलिए इसकी जरूरत नहीं पड़ी। हॉलीवुड में समय की पाबंदी पर बोले विद्युत विद्युत ने हॉलीवुड और बॉलीवुड के काम करने के तरीके में अंतर पर भी बात की। उन्होंने कहा कि हॉलीवुड में समय की पाबंदी है। वहां बड़ा से बड़ा स्टार भी तय समय पर सेट पर पहुंचता है। उन्होंने बताया कि सेट पर करीब 300 लोग काम करते हैं और सभी तय अनुशासन का पालन करते हैं। विद्युत ने मजाकिया अंदाज में कहा कि अगर कोई एक मिनट भी लेट हो जाए तो प्रोडक्शन की तरफ से फोन आ जाता है कि कहीं वह अस्पताल में तो नहीं है। बॉलीवुड एक्टर से फाइट के सवाल पर बोले- ‘शट अप!’ इवेंट में एक रिपोर्टर ने विद्युत से बॉलीवुड के किसी अभिनेता के साथ काम करने या फाइट करने को लेकर सवाल पूछा। सवाल पूरा होने से पहले ही विद्युत ने उन्हें रोक दिया। उन्होंने कहा कि तुलना वाले सवाल कब बंद होंगे। विद्युत ने रिपोर्टर से कहा कि उनकी हॉलीवुड में मिली सफलता को लेकर सवाल पूछा जाए। उन्होंने मजाकिया अंदाज में कहा- ‘शट अप! दोस्त वाला सवाल पूछ।’ इसके बाद रिपोर्टर ने पूछा कि वह बॉलीवुड के किस अभिनेता के साथ फाइट करना चाहेंगे, तो विद्युत ने कहा कि जिसे रिपोर्टर उनके साथ लड़वाना चाहते हैं, उसका नाम उन्हें मैसेज कर दें। उन्होंने कहा कि वह किसी से भी फाइट करने के लिए तैयार हैं। 16 अक्टूबर को रिलीज होगी ‘स्ट्रीट फाइटर’ विद्युत जामवाल ‘स्ट्रीट फाइटर’ में मशहूर वीडियो गेम किरदार धलसिम की भूमिका निभा रहे हैं। फिल्म में नोआ सेंटिनियो, एंड्रयू कोजी, कैलिना लियांग, रोमन रेंस यानी जो अनोआई, डेविड डेस्टमालचियन, कोडी रोड्स, एरिक आंद्रे, एंड्रयू शुल्ज, 50 सेंट और जेसन मोमोआ जैसे कलाकार भी नजर आएंगे। फिल्म भारत में 16 अक्टूबर 2026 को अंग्रेजी के साथ हिंदी, तमिल और तेलुगु में रिलीज होगी।
हनुमान अंश फिल्म की टीम कैंची धाम पहुंची:भिनेता शोभिनव सत्या ने बाबा नीब करौरी महाराज के दर्शन किए, सीएम ने फिल्म टैक्स फ्री की

बाबा नीब करौरी महाराज के जीवन पर बनी फिल्म ‘हनुमान अंश’ की टीम सोमवार सुबह कैंची धाम पहुंची। फिल्म की सफलता से उत्साहित टीम ने बाबा नीब करौरी महाराज के दर्शन किए और आशीर्वाद लिया। मुख्य अभिनेता शोभिनव सत्या अपनी टीम के साथ सुबह सात बजे मंदिर में आयोजित आरती में शामिल हुए। आदि रंगोत्सव में दिखे उत्तराखंड के संस्कृति के रंग अभिनेता शोभिनव सत्या ने बताया कि उत्तराखंड के खटीमा में आयोजित आदि रंगोत्सव में उन्हें राज्य की संस्कृति के अलग-अलग रंग देखने को मिले। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की संस्कृति और परंपराओं ने उन्हें प्रभावित किया है। सीएम धामी का जताया आभार शोभिनव सत्या ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का आभार जताते हुए कहा कि मुख्यमंत्री ने उन्हें बुलाकर सम्मानित किया और फिल्म को टैक्स फ्री भी किया। उन्होंने इसे मुख्यमंत्री के संस्कृति के प्रति प्रेम और सम्मान से जोड़कर बताया। उत्तराखंड आने का किया आह्वान अभिनेता ने उत्तराखंड को देवभूमि बताते हुए लोगों से यहां आने का आह्वान किया। उन्होंने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के विकास कार्यों और राज्य में बेहतर व्यवस्थाओं की भी सराहना की।
NEET PG Result Update | NBEMS Cut-Off Policy & Zero Percentile Debate

Hindi News Career NEET PG Result Update | NBEMS Cut Off Policy & Zero Percentile Debate 4 मिनट पहलेलेखक: सृष्टि तिवारी कॉपी लिंक 24 सितंबर को जारी हुए NEET-PG 2026 रिजल्ट में इस बार कुल 2,63,535 कैंडिडेट्स ने क्वालिफाई किया है। लेकिन एग्जाम देने वाले 258 कैंडिडेट्स के 0 या उससे भी कम नंबर हैं। साथ ही लास्ट रैंक यानी 0 पर्सेंटाइल लाने वाले कैंडिडेट का स्कोर -59 है। बीते 3 सालों का पैटर्न देखें तो 0 पर्सेंटाइल स्कोर करने वाले कैंडिडेट्स को काउंसलिंग में मौका मिल सकता है। इससे एक बार फिर ये बहस तेज गई है कि क्या फिर 0 परसेंटाइल वाले कैंडिडेट्स को MD, MS करने का मौका दिया जाएगा? कोविड-19 के बाद पहली बार घटाया गया था पर्सेंटाइल नेशनल बोर्ड ऑफ एग्जामिनेशन इन मेडिकल साइंस यानी NBEMS ने साल 2023 में कोविड-19 के बाद पहली बार NEET-PG का क्वालिफाइंग पर्सेंटाइल घटाकर 0 किया था। इससे बहुत कम या नेगेटिव स्कोर करने वाले कैंडिडेट्स भी काउंसलिंग के लिए एलिजिबल हो गए थे। सुप्रीम कोर्ट में कहा गया- इससे डॉक्टर्स की क्वालिटी गिरेगी फरवरी 2026 में सुप्रीम कोर्ट ने NEET-PG 2025-26 के लिए क्वालिफाइंग कट-ऑफ पर्सेंटाइल को कम करने से जुड़ी एक याचिका पर सुनवाई की थी और कम परसेंटाइल को लेकर सरकार और NBEMS दोनों से ही जवाब मांगा था। ये याचिका सोशल वर्कर हरिशरण देवगन, डॉ. सौरव कुमार, डॉ. लक्ष्य मित्तल और डॉ. आकाश सोनी ने लगाई थी। इस याचिका में 2025-26 की काउंसलिंग में दो राउंड के बाद NEET PG-2025 कट-ऑफ कम करने को लेकर सवाल किया गया था। याचिका के मुताबिक, कट-ऑफ कम करना आर्टिकल 14 और आर्टिकल 21 का उल्लंघन था। यूनाइटेड डॉक्टर्स फ्रंट एसोसिएशन ने किया था विरोध देश में मेडिकल प्रोफेशनल्स के अधिकारों, कल्याण और गरिमा की वकालत करने वाला यूनाइटेड डॉक्टर्स फ्रंट एसोसिएशन (UDF) ने पिछले साल NEET PG का कट-ऑफ 0 पर्सेंटाइल किए जाने का कड़ा विरोध किया था। UDFA के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. लक्ष्य मित्तल और अन्य पदाधिकारियों ने इस नोटिफिकेशन के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में एक जनहित याचिका (PIL) भी दायर की थी। UDF ने कहा था- बेहद कम या नेगेटिव स्कोर पाने वाले कैंडिडेट्स का पोस्ट-ग्रेजुएट मेडिकल ट्रेनिंग (MD/MS) लेना पब्लिक हेल्थ के साथ बड़ा समझौता होगा। बार-बार एलिजिबिलिटी रूल कम करने से भविष्य में स्पेशलिस्ट डॉक्टर की क्वालिटी पर बुरा असर होगा। जब कम योग्यता वाले डॉक्टर हाई रिस्क वाले मेडिकल क्षेत्रों (जैसे सर्जरी या ऑर्थोपेडिक्स) में स्पेशलिस्ट बनेंगे, तो इसका सीधा असर मरीजों पर पड़ेगा। इससे ट्रेनिंग की खराब क्वालिटी, अच्छे फैकल्टी की कमी और इंफ्रास्ट्रक्चर पर भी असर होगा। ये सीटें भरने का नहीं, बेचने का फॉर्मूला है- एकेडमिक एक्सपर्ट एकेडमिक एक्सपर्ट और पंजाब सरकार के एकेडमिक प्रोग्राम का हिस्सा रहे कुणाल सिंह बताते हैं कि कट-ऑफ घटाकर 0 पर्सेंटाइल करना सीटें भरने का नहीं, बेचने का फॉर्मूला है। कुणाल सिंह ने कहा, “सरकारी कॉलेज में सीट भी कम होती हैं, जरूरी नहीं कोई टॉप स्कोरर उसको अफोर्ड कर पाए। ऐसे में कम स्कोर वाला कोई कैंडिडेट मोटी रकम चुकाकर उसको खरीद सकता है और ये सीट पेड होने की वजह से ही भर पाती हैं।” कुणाल बताते हैं कि ये खेल सिर्फ NEET-PG में नहीं है बल्कि NEET-UG में भी आपको इसके कई सारे उदाहरण मिल जाएंगे। वे कहते हैं ‘यदि सिर्फ पंजाब की ही मैं बात करूं तो यहां ऐसे कई कैंडिडेट्स होंगे जो MBBS की पढ़ाई कर रहे हैं लेकिन उनके NEET UG में 140 नंबर भी नहीं होंगे या कहूं वो 12वीं बोर्ड में सेकेंड डिवीजन भी नहीं आए होंगे।’ ये सब पेड सीट का खेल है इसका नुकसान बहुत बड़ा है। तो क्या पासिंग क्राइटेरिया घटाने से वाकई खराब क्वालिटी के डॉक्टर्स तैयार होते हैं? कट-ऑफ घटाने के फैसले को लेकर एक दूसरा तर्क भी है। किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU) के प्रोफेसर के अनुसार- किसी खास स्पेशलाइजेशन के लिए एडमिशन के पर्सेंटाइल के डेटा का कोई खास मतलब नहीं होता है। साथ ही कम पर्सेंटाइल वाले कैंडिडेट्स, कम पसंद की जाने वाली सीटों पर एडमिशन लेते हैं। एडमिशन का मतलब ये नहीं होता है कि कैंडिडेट को MD, MS या DNB की डिग्री मिल जाएगी। किसी भी डिग्री के लिए कैंडिडेट को पढ़ाई करनी होती है और परीक्षा भी पास करनी होगी। NBEMS की सफाई- सीटें भरना जरूरी मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंचने के बाद, NBEMS ने अपने पक्ष में कहा था कि देश भर में 18,000 से ज्यादा पोस्टग्रेजुएट मेडिकल सीटें खाली हैं। इस वजह से बोर्ड ने NEET-PG 2025 एडमिशन के लिए क्वालिफाइंग पर्सेंटाइल में बदलाव किया है। दरअसल, 2025 में ही कटऑफ पर्सेंटाइल घटाने से -40 स्कोर करने वाले भी काउंसलिंग के तीसरे राउंड में शामिल हो गए थे। दिल्ली हाईकोर्ट भी पर्सेंटाइल में दखल से कर चुका है इनकार कट-ऑफ 0 पर्सेंटाइल करने के खिलाफ एक मामला जनवरी 2026 में दिल्ली हाईकोर्ट में भी आया था। इस मामले में संचित सेठ बनाम नेशनल बोर्ड ऑफ एग्जामिनेशंस इन मेडिकल साइंसेज अन्य का जिक्र करते हुए, कोर्ट ने योग्यता के क्राइटेरिया को कम करने के फैसले में दखल देने से इनकार कर दिया था। कोर्ट ने कहा था कि कट-ऑफ 0 पर्सेंटाइल करने को लेकर पब्लिक हेल्थ रिस्क और स्टैंडर्ड्स में गिरावट की जो बात कही जा रही है, वो ‘बेबुनियाद’ है। पोस्ट-ग्रेजुएशन की खाली सीटों के लिए उम्मीदवारों की उपलब्धता को किसी सोच से जुड़ा नहीं माना जा सकता। तब कोर्ट ने माना कि ‘फैसला लेने की प्रक्रिया में कोई गड़बड़ी नहीं थी, जिसके लिए चल रहे काउंसलिंग राउंड में न्यायिक दखल की जरूरत हो।’ हालांकि, एडमिशन देने वाली नेशनल मेडिकल कमीशन यानी NMC का कहना था कि काउंसलिंग के दौरान ज्यादा रैंक वाले उम्मीदवारों को हमेशा प्राथमिकता दी जाती है। देश में PG मेडिकल कोर्स के लिए 33,088 सरकारी सीटें इस साल NEET PG 2026 काउंसलिंग में पोस्टग्रेजुएट मेडिकल सीटों को बढ़ाया गया है। नेशनल मेडिकल कमीशन (NMC) ने NEET PG 2026-27 का जो सीट मैट्रिक्स जारी किया है, उसके मुताबिक 58,000 MD, MS और डिप्लोमा सीटें हैं, जो पिछले साल 52,173 थीं। जबकि 2,73,096 कैंडिडेट्स ने इसके लिए रजिस्ट्रेशन किया था। वहीं 2,65,980 कैंडिडेट्स ने ये परीक्षा दी थी। NMC 29 सितंबर 2026 के डेटा के मुताबिक, NEET-PG की कुल सीटों में
सलमान के बाद नीतू कपूर ने पैपराजी पर कसा तंज:‘बैक पोज’ कहने पर पलटकर पूछा- आपको ये बहुत अच्छा लगता है ना

बॉलीवुड में इन दिनों पैपराजी के बैक शॉट्स को लेकर बहस छिड़ी हुई है। सलमान खान और नेहा धूपिया के बाद अब नीतू कपूर ने भी इस पर नाराजगी जाहिर की है। दरअसल, पैपराजी ने नीतू से कैमरे की तरफ पीठ करके पोज देने को कहा, तो उन्होंने व्यंग्यात्मक अंदाज में पलटकर पूछा- ‘आपको ये बड़ा अच्छा लगता है ना, बैक?’ नीतू का यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है और इस अंदाज की चर्चा हो रही है। पैपराजी ने नीतू से मांगा बैक पोज नीतू कपूर का एक वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया है। वीडियो में नीतू एक जगह से निकलकर अपनी कार की ओर जाती नजर आ रही हैं। वहां मौजूद पैपराजी उनसे तस्वीरें लेने के लिए पोज देने को कहते हैं। पैपराजी की बात सुनने के बाद नीतू कैमरे की तरफ पीठ करके खड़े होने के बजाय उनकी तरफ देखती हैं। इसके बाद वह तंज भरे अंदाज में कहती हैं- ‘आपको ये बड़ा अच्छा लगता है ना, बैक?’ नीतू के इस सवाल पर पैपराजी तुरंत कहते हैं कि ऐसा नहीं है। इसके बाद नीतू बहस नहीं करतीं। वह मुस्कुराते हुए उन्हें बाय कहती हैं और अपनी कार में बैठकर वहां से चली जाती हैं। नीतू ने गुस्से के बजाय व्यंग्य से दिया जवाब नीतू कपूर के इस वीडियो की खास बात उनका अंदाज है। उन्होंने पैपराजी को डांटने या बहस करने के बजाय एक सवाल के जरिए अपनी बात रखी। उनके सवाल में बैक शॉट्स को लेकर नाराजगी साफ नजर आई। नीतू के इस कमेंट के बाद सोशल मीडिया पर यूजर्स अलग-अलग प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं। कई लोगों ने कहा कि सेलिब्रिटीज की तस्वीरें लेते समय पैपराजी को उनकी सहजता और पसंद का ध्यान रखना चाहिए। सलमान खान ने भी बैक शॉट्स पर जताई थी नाराजगी नीतू कपूर की यह प्रतिक्रिया ऐसे समय सामने आई है, जब सलमान खान ने भी पैपराजी के बैक शॉट्स को लेकर सवाल उठाया था। ‘बिग बॉस 20’ के एक एपिसोड में सलमान ने महिलाओं की पीछे से तस्वीरें लेने के चलन पर नाराजगी जाहिर की थी। सलमान ने कहा था कि अगर कोई महिला इस तरह की तस्वीरें लेने से असहज है और फोटोग्राफर्स से ऐसा न करने के लिए कहती है, तो उनकी बात का सम्मान किया जाना चाहिए। उन्होंने इस तरह की फोटोग्राफी पर आपत्ति जताते हुए कहा था कि महिलाओं को अपनी पसंद के खिलाफ ऐसी तस्वीरें खिंचवाने के लिए मजबूर नहीं किया जाना चाहिए। सलमान की इस टिप्पणी के बाद सोशल मीडिया पर पैपराजी के फोटो लेने के तरीके को लेकर बहस शुरू हुई थी। नेहा धूपिया भी पैपराजी से भिड़ चुकी हैं सलमान खान से पहले नेहा धूपिया भी इसी मुद्दे पर पैपराजी को फटकार लगा चुकी हैं। एक इवेंट के दौरान नेहा ने फोटोग्राफर्स से सवाल किया था कि महिलाओं की पीछे से तस्वीरें लेने की जरूरत क्यों पड़ती है। नेहा ने अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए कहा था कि वह सिर्फ अपने लिए नहीं, बल्कि उन दूसरी महिलाओं के लिए भी बात कर रही हैं, जिन्हें इस तरह की तस्वीरों से परेशानी होती है। उनका कहना था कि कई महिलाएं पैपराजी से ऐसी तस्वीरें न लेने के लिए कह चुकी हैं। फराह खान ने भी पैपराजी को दिलाई थी सलमान की बात याद सलमान खान के बयान के बाद फराह खान भी पैपराजी को इस मुद्दे पर समझाती नजर आई थीं। एक वीडियो में फराह ने फोटोग्राफर्स को सलमान की बात याद दिलाते हुए पीछे से तस्वीरें न लेने की बात कही थी। फराह का कहना था कि अगर कोई सेलिब्रिटी इस तरह की तस्वीर नहीं चाहता, तो उसकी बात माननी चाहिए। पिछले कुछ समय में कई बॉलीवुड सेलिब्रिटीज पैपराजी फोटोग्राफी के तरीके पर सवाल उठा चुके हैं।
Actor Rajpal Yadav Reprimanded by Supreme Court in Cheque Bounce Case

चेक बाउंस के सात मामलों में दोषी एक्टर राजपाल यादव को सुप्रीम कोर्ट ने कड़ी फटकार लगाई है। कोर्ट के आदेश के बावजूद 5 करोड़ नहीं जमा करने पर सोमवार को जस्टिस जॉयमाल्य बागची नाराज हो गए। . उन्होंने कहा, “इस घमंड को सही जगह दिखानी होगी। आपको पता होना चाहिए कि कब मुंह खोलना है। आपकी जगह जेल में है।” सुप्रीम कोर्ट ने राजपाल यादव को आखिरी मौका देते हुए मंगलवार (6 अक्टूबर) तक पैसे जमा करने का आदेश दिया। मामले की अगली सुनवाई 7 अक्टूबर को होगी। कोर्ट ने इससे पहले 15 सितंबर को भी उन्हें भुगतान के लिए समय दिया था। साथ ही उन्हें सरेंडर करने से मिली अंतरिम राहत 5 अक्टूबर तक बढ़ा दी थी। राजपाल ने कहा था- पांच बार जेल जाने को तैयार, लेकिन एक पैसा नहीं दूंगा कोर्ट रूम LIVE… CJI सूर्यकांत: आपने 15 सितंबर को दिए गए आदेश का पालन क्यों नहीं किया? आपको रकम जमा करने के लिए पर्याप्त समय दिया गया था। राजपाल यादव के वकील: बैंक में डिमांड ड्राफ्ट की प्रक्रिया चल रही है। 50 लाख रुपए का डिमांड ड्राफ्ट तैयार है। कोर्ट: क्या यह डिमांड ड्राफ्ट असली है? हमें इसकी जानकारी नहीं है। राजपाल यादव के वकील: डिमांड ड्राफ्ट बैंक में है और उसे प्रोसेस किया जा रहा है। शिकायतकर्ता के वकील: ये फिल्म अभिनेता हैं और यहां भी एक्टिंग कर रहे हैं। उन्हें अदालत की गरिमा का सम्मान नहीं है। राजपाल यादव के वकील: शिकायतकर्ता गरीब नहीं हैं। जस्टिस जॉयमाल्या बागची: वे आपसे ज्यादा अमीर हो सकते हैं, लेकिन जितनी रकम आपने उनसे ली है, उस हद तक वे गरीब हैं। इस अहंकार को सही जगह दिखाना होगा। आपको पता होना चाहिए कि कब मुंह खोलना है। आपकी जगह जेल में है। कोर्ट में 50 लाख का डिमांड ड्राफ्ट दिखाया सुनवाई के दौरान राजपाल यादव की ओर से 50 लाख रुपए के डिमांड ड्राफ्ट की कॉपी पेश की गई। उनके वकील ने बताया, ड्राफ्ट बैंक में प्रोसेस हो रहा है। इस पर बेंच ने कहा, उसे अभी यह भी नहीं पता कि ड्राफ्ट वास्तविक है या नहीं। कोर्ट ने यह भी कहा कि राजपाल यादव को 5 अक्टूबर तक 5 करोड़ रुपए जमा करने का निर्देश दिया गया था, लेकिन उन्होंने इसका पालन नहीं किया। शिकायतकर्ता की ओर से पेश वकील ने राजपाल यादव के रवैये पर सवाल उठाते हुए कहा कि अभिनेता कोर्ट में भी ‘एक्टिंग’ कर रहे हैं। जब राजपाल यादव के वकील ने कहा कि शिकायतकर्ता गरीब नहीं हैं, तो जस्टिस बागची ने जवाब दिया कि वे भले ही ज्यादा अमीर हों, लेकिन जिस रकम से उन्हें नुकसान हुआ है, उस हद तक वे गरीब हैं। राजपाल यादव ने फिल्म के लिए मेसर्स मुरली प्रोजेक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड से 5 करोड़ रुपए का कर्ज लिया था। 2010 में फिल्म के लिए लिया था 5 करोड़ का फंड यह मामला करीब 16 साल पुराना है। शिकायतकर्ता कंपनी के मुताबिक, 2010 में राजपाल यादव को उनकी फिल्म ‘अता पता लापता’ के लिए करीब 5 करोड़ रुपए की आर्थिक मदद दी गई थी। फिल्म के निर्देशन और निर्माण से जुड़े राजपाल यादव पर रकम लौटाने की जिम्मेदारी थी। बाद में दोनों पक्षों के बीच समझौते हुए और भुगतान के लिए चेक जारी किए गए, लेकिन उनमें से सात चेक बाउंस हो गए। दिल्ली हाईकोर्ट ने सुनाई थी 3 महीने की सजा मामले में राजपाल यादव को दोषी ठहराया गया था। जुलाई 2026 में दिल्ली हाईकोर्ट ने सातों मामलों में उनकी सजा बरकरार रखते हुए तीन महीने की जेल की सजा सुनाई थी। सभी सजाएं एक साथ चलने का आदेश दिया गया था। इसके बाद राजपाल यादव ने सुप्रीम कोर्ट में हाईकोर्ट के फैसले को चुनौती दी। सुप्रीम कोर्ट ने सितंबर में उन्हें सरेंडर करने से अंतरिम राहत दी थी, लेकिन इसके लिए भुगतान की शर्त रखी थी। 15 सितंबर को कोर्ट ने उन्हें रकम जमा करने के लिए अतिरिक्त समय दिया था। अब भुगतान की शर्त पूरी नहीं होने पर कोर्ट ने उन्हें आखिरी मौका दिया है। ******************** यह खबर भी पढ़िए:- भोजपुरी स्टार पवन सिंह पर 1000 का जुर्माना:पत्नी से तलाक केस में कोर्ट नहीं पहुंचे; ज्योति सिंह ने मांगी है 10 करोड़ की एलिमनी भोजपुरी के पावर स्टार और बीजेपी एमएलसी पवन सिंह पर कोर्ट ने 1 हजार रुपए का जुर्माना लगाया है। मामला पवन सिंह और उनकी पत्नी ज्योति सिंह के तलाक और गुजारा भत्ता से जुड़ा है। दरअसल, यूपी के बलिया की पारिवारिक अदालत में गुजारा भत्ता से जुड़े मामले की सुनवाई के दौरान पवन सिंह पेश नहीं हुए। इस पर कोर्ट ने उन पर 1 हजार रुपए का जुर्माना लगाया। अदालत ने मामले की अगली सुनवाई के लिए 5 अक्टूबर की तारीख तय की है। पढ़ें पूरी खबर…
Rakul Preet Singh Denies IT Raid Reports

12 मिनट पहले कॉपी लिंक बॉलीवुड एक्ट्रेस रकुल प्रीत सिंह ने उन मीडिया रिपोर्ट्स पर सख्त आपत्ति जताई है, जिनमें उनके ठिकानों पर आयकर विभाग की छापेमारी का दावा किया जा रहा था। रकुल ने सोशल मीडिया पर एक लंबा बयान जारी कर इन रिपोर्टों को ‘झूठा, भ्रामक और दुर्भावनापूर्ण’ बताया है। उन्होंने स्पष्ट किया है कि आयकर विभाग की यह जांच या छापेमारी उनसे संबंधित नहीं थी। रकुल प्रीत सिंह ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर एक नोट शेयर कर मीडिया पर निशाना साधा। उन्होंने लिखा कि बिना तथ्यों की जांच किए बिना खबरों को सनसनीखेज बनाने का चलन दुखद है। उन्होंने कहा कि वे सभी के सामने सच रखना चाहती हैं कि जिस रेड का जिक्र किया जा रहा है, उसका उनसे कोई लेना-देना नहीं है। ‘आर्म्ड फोर्सेस बैकग्राउंड से हूं, 20 की उम्र से दे रही हूं टैक्स’ अपनी सफाई में रकुल ने कहा कि वे एक आर्म्ड फोर्सेस (सशस्त्र बल) बैकग्राउंड से आती हैं और फिल्म इंडस्ट्री में उनका कोई गॉडफादर नहीं रहा है। उन्होंने कड़ी मेहनत से अपना नाम बनाया है और एक जिम्मेदार नागरिक के तौर पर 20 साल की उम्र से ही नियमित रूप से टैक्स जमा कर रही हैं। रकुल ने आगे लिखा कि वे व्यक्तिगत रूप से या किसी भी प्रोडक्शन हाउस के जरिए किसी भी तरह के अवैध विदेशी लेन-देन में शामिल नहीं हैं। इसके साथ ही उन्होंने यह भी साफ किया कि देश या विदेश में कहीं भी उनके पास कोई बेनामी संपत्ति नहीं है और न ही वे ऐसे महंगे उपहार स्वीकार करती हैं। ‘कमाई के दबाव में किसी की साख न बिगाड़ें’ फिल्म फाइनेंसिंग के नाम पर गड़बड़ी के आरोपों को खारिज करते हुए रकुल ने झूठी खबरें छापने वाले मीडिया संस्थानों से अपनी रिपोर्ट्स वापस लेने और सच सामने लाने की अपील की। उन्होंने कहा कि मीडिया हाउस चलाने के अपने व्यावसायिक दबाव हो सकते हैं, लेकिन यह किसी के सम्मान, आजीविका और तथ्यों की कीमत पर नहीं होना चाहिए। बॉलीवुड एक्ट्रेस रकुल प्रीत सिंह के IT रेड की खबरों को खारिज किया है। 12 ठिकानों पर छापेमारी की खबर थी हाल ही में आई मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया था कि आयकर विभाग ने रकुल प्रीत सिंह और उनके ससुर व प्रसिद्ध फिल्म निर्माता वासु भगनानी से जुड़े 12 ठिकानों पर छापेमारी की है। TV9 की रिपोर्ट में कहा गया था कि 28 सितंबर को संदिग्ध वित्तीय अनियमितताओं और फिल्मों के नाम पर विदेश में धन भेजने के आरोपों की जांच के सिलसिले में यह कार्रवाई की गई थी। हालांकि, इन छापों की खबरों पर वासु भगनानी की तरफ से कोई प्रतिक्रिया नहीं आई थी। प्रोड्यूसर वाशु भगनानी। ड्रग्स केस में आया था रकुल के भाई का नाम रकुल प्रीत सिंह का परिवार पहले भी कानूनी विवादों में रह चुका है। दिसंबर 2025 में मुंबई पुलिस ने ड्रग्स केस में रकुल के भाई अमन प्रीत सिंह की तलाश शुरू की थी। ड्रग लॉ एनफोर्समेंट फोर्स और वेस्ट जोन पुलिस ने दो ड्रग तस्करों को गिरफ्तार कर उनके पास से 43 ग्राम कोकीन और 11.5 ग्राम MDMA जब्त किया था। जांच के दौरान आरोप लगा था कि अमन प्रीत सिंह ने उन तस्करों से पांच बार नशीले पदार्थ खरीदे थे। इस मामले में अमन की गिरफ्तारी भी हुई थी। अमन प्रीत सिंह साउथ सिनमा के एक्टर हैं। वे एक्ट्रेस रकुल प्रीत के साथ एक टैलेंट कंपनी भी चलाते हैं। रकुल प्रीत का नाम भी ड्रग्स केस में आ चुका इससे पहले रकुल का नाम भी ड्रग्स केस में आ चुका है। सुशांत सिंह राजपूत सुसाइड केस की जांच के दौरान ड्रग्स के इस्तेमाल को लेकर रिया चक्रवर्ती ने पूछताछ में सारा अली खान और रकुल प्रीत का नाम लिया था। रकुल ने उनके नाम का मीडिया कवरेज रोकने के लिए हाईकोर्ट का रुख भी किया था। रकुल के साथ दूसरा विवाद तब जुड़ा था, जब 2022 में ED ने टॉलीवुड ड्रग मामले से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग केस में उनसे पूछताछ की थी। रामायण में नजर आएंगी रकुल प्रीत सिंह एक्ट्रेस रकुल प्रीत सिंह की शादी वाशु भगनानी के बेटे और प्रोड्यूसर जैकी भगनानी से हुई है। रकुल इन दिनों नितेश तिवारी के निर्देशन में बन रही फिल्म ‘रामायण पार्ट 1’ को लेकर चर्चा में हैं। इस फिल्म में वे शूर्पणखा का किरदार निभा रही हैं। फिल्म में रणबीर कपूर भगवान राम, साई पल्लवी सीता, रवि दुबे लक्ष्मण और यश रावण के रोल में नजर आएंगे। यह फिल्म इस साल दिवाली पर 6 नवंबर 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज होना तय है। रकुल प्रीत फिल्म रामायण में वे शूर्पणखा का किरदार निभा रही हैं। वाशु भागनानी भी हाल ही विवाद में रहे वाशु भगनानी पूजा फिल्म्स नाम से प्रोडक्शन कंपनी चलाते हैं और वे पैनोरमा स्टूडियोज से भी जुड़े रहे हैं, जिसके बैनर तले ‘दृश्यम’ फ्रेंचाइजी जैसी सुपरहिट फिल्में बनी हैं। वाशु भगनानी ने ‘कुली नंबर 1’ (1995), ‘बड़े मियां छोटे मियां’ (1998), ‘रहना है तेरे दिल में’ और ‘मिशन रानीगंज’ जैसी कई चर्चित फिल्में प्रोड्यूस की हैं। हालांकि, पिछले कुछ समय से वे विवादों में रहे हैं। फिल्म ‘बड़े मियां छोटे मियां’ (2024) के डायरेक्टर अली अब्बास जफर के साथ उनका पैसों के लेन-देन को लेकर विवाद हुआ था। इसके अलावा फिल्म ‘है जवानी तो इश्क होना है’ के गानों और सीन्स के राइट्स को लेकर भी उनका टिप्स फिल्म्स के साथ कॉपीराइट विवाद हुआ था। ये खबर भी पढ़ें पोस्टमार्टम में टूटी मिली थी सुशांत के पैर की हड्डी:डेडबॉडी में स्टन गन के निशान थे, बहन बोली- जोर-जबरदस्ती हुई थी, जानिए पूरा बयान सुशांत सिंह राजपूत की बहन श्वेता सिंह कीर्ति ने एक्टर के पोस्टमार्टम से जुड़ा बड़ा दावा किया है। उनका कहना है कि पोस्टमार्टम के समय सुशांत के पैर की हड्डी टूटी हुई, आंख के पास चोट के निशान थे और गले में स्टन गन के भी निशान बने हुए थे। पूरी खबर पढ़ें दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔
गोविंदा की बेटी टीना ने कोमल रानी पर सवाल टाला:कहा- सिर्फ इवेंट पर बात करें; कोमल का आरोप- सुनीता ने गोविंदा को बर्बाद किया

सुनीता आहूजा और कोमल रानी के बीच चल रहे विवाद पर गोविंदा की बेटी टीना आहूजा ने प्रतिक्रिया देने से इनकार कर दिया। कोमल रानी के मां सुनीता आहूजा पर लगाए गए गंभीर आरोपों के बीच, जब एक इवेंट में मीडिया ने टीना से इस बारे में सवाल पूछा, तो उन्होंने मामले से दूरी बना ली और बिना जवाब दिए वहां से चली गईं। इवेंट के दौरान टीना से मीडिया ने पूछा, “कोमल रानी इंस्टाग्राम पर आपकी मम्मी सुनीता आहूजा पर कई आरोप लगा रही हैं”। इस सवाल को सुनते ही टीना ने तुरंत इसे टाल दिया और कहा, “प्लीज हम यहां सिर्फ इवेंट के बारे में बात करते हैं… धन्यवाद”। इतना कहने के बाद वे पैपराजी के बीच से आगे बढ़ गईं और बात आगे नहीं बढ़ाई। कोमल रानी का सुनीता आहूजा पर आरोप यह पूरा मामला तब गरमाया जब कोमल रानी ने अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी पर एक लंबा नोट शेयर कर सुनीता आहूजा पर तीखे आरोप लगाए। कोमल ने लिखा, “जो औरत सालों से अपने ही पति की जान लेने की कोशिश कर रही हो, ऐसी औरतों की बद्दुआएं किसी को नहीं लगतीं”। उन्होंने आगे कहा कि जो घर पहले से टूटा हुआ हो, उसे कोई और नहीं तोड़ सकता। कोमल ने सवाल उठाया कि क्या यह सच में दर्द है या फिर लोगों की सहानुभूति हासिल करने के लिए रची गई कोई सोची-समझी साजिश है। ‘पति को परेशान कर बर्बाद किया’ कोमल ने अपने पोस्ट में सुनीता पर सीधा निशाना साधते हुए कहा कि किसी इंसान को लगातार मानसिक रूप से परेशान करना, काम करने से रोकना, घर पर बैठने और बर्बाद होने के लिए मजबूर करना तथा पूरी तरह अलग-थलग कर देना किसी अच्छी पत्नी का बर्ताव नहीं हो सकता। उन्होंने आरोप लगाया कि सुनीता बंद कमरों के पीछे का काम सार्वजनिक रूप से कर रही हैं और अपील की कि वे अपने एजेंडे के लिए उनके नाम का इस्तेमाल बंद करें। सुनीता ने कहा था- मेरा घर बर्बाद कर रही है दरअसल, दक्षिणेश्वर काली मंदिर में पूजा-अर्चना के बाद सुनीता आहूजा ने कहा कि मैं आज दक्षिणेश्वर काली माता रानी का दर्शन करने आई हूं। आप सब जानते हैं कि महाकाली राक्षसों का नाश करती हैं। मेरे भी जीवन में कुछ राक्षस हैं, माता द्वारा बोलने आई हूं कि उनका भी नाश करें। उन्होंने आगे कहा, जो मेरे साथ हो रहा है वो अच्छा नहीं हो रहा है, ये घर मेरा टूट रहा है बिना किसी मतलब और मैं चाहती हूं आप सब औरतें मेरे लिए स्टैंड लें, सारे जेन-जी बच्चे मेरे लिए स्टैंड लें और मीडिया से दरख्वास्त करती हूं कि प्लीज ये चीज को आप आगे न बढ़ाएं। आप लोग को भी कायदे से मुझे सपोर्ट करना चाहिए। मैं माता से यही मांगने आई हूं कि जो मेरा घर बर्बाद कर रही है, माता उसे देखें। वो राक्षसों का नाश करने वाली माता रानी हैं, और मैं चाहती हूं मेरे जीवन से ये संकट हट जाए। जय मां काली, जय मां काली।” गोविंदा ने भी दिया अफेयर रूमर्स पर रिएक्शन हाल ही में ANI को दिए इंटरव्यू में गोविंदा ने कहा है कि लोग बिना वजह उनकी निजी जिंदगी को निशाना बना रहे हैं, जबकि उन्हें सिर्फ अपने काम से मतलब रखना चाहिए। गोविंदा ने कहा कि उनकी निजी जिंदगी किसी और के लिए चिंता या चर्चा का विषय नहीं होनी चाहिए। गोविंदा ने रूमर्ड गर्लफ्रेंड संग किए थे लालबागचा राजा के दर्शन गोविंदा हाल ही में कमबैक फिल्म रूपा की को-स्टार और रूमर्ड गर्लफ्रेंड कोमल रानी के साथ लालबागचा राजा के दर्शन करने पहुंचे थे। जबकि उनसे कुछ घंटों पहले ही सुनीता आहूजा अकेले दर्शन करने पहुंची थीं। साथ दर्शन करने पर गोविंदा ने दी थी सफाई कोमल रानी स्वर्णकार के साथ लालबागचा राजा के दर्शन करने पर सफाई देते हुए गोविंदा ने बताया कि वे अपनी आने वाली फिल्म रूपा के लिए लालबागचा राजा के दरबार पहुंचे थे। उन्होंने कहा, “इससे पहले भी मैं करिश्मा कपूर और रवीना टंडन के साथ मंदिरों में गया था और वे फिल्में बहुत बड़ी हिट साबित हुई थीं। मैं लंबे समय बाद नया काम शुरू कर रहा हूं, इसलिए प्रार्थना करने गया था।” परिवार से दूर करने और इमेज खराब करने की साजिश इंटरव्यू में गोविंदा ने अपने खिलाफ चल रही बातों को एक सोची-समझी चाल करार दिया। उन्होंने कहा, “यह किसी एक इंसान की गलती नहीं है, बल्कि बहुत सोच-समझकर बनाई गई योजना है। ऐसी चीजें आगे भी हो सकती हैं। यह मुझे मेरे परिवार से अलग करने और समाज में मेरी छवि खराब करने का प्लान है।” सुनीता आहूजा बोलीं- इंसान धोखा ही देते हैं गणपति उत्सव के दौरान गोविंदा को अभिनेत्री कोमल रानी स्वर्णकार के साथ दिखने के बाद सुनीता आहूजा का एक बयान सामने आया था, जिसमें उन्होंने इंसानों को धोखेबाज बताते हुए जानवरों से प्यार को बेहतर बताया। हालांकि, सुनीता ने अपने बयान में किसी का नाम नहीं लिया था।
गोविंदा की बेटी टीना ने कोमल रानी पर सवाल टाला:कहा- सिर्फ इवेंट पर बात करें; कोमल का आरोप- सुनीता ने गोविंदा को बर्बाद किया

सुनीता आहूजा और कोमल रानी के बीच चल रहे विवाद पर गोविंदा की बेटी टीना आहूजा ने प्रतिक्रिया देने से इनकार कर दिया। कोमल रानी के मां सुनीता आहूजा पर लगाए गए गंभीर आरोपों के बीच, जब एक इवेंट में मीडिया ने टीना से इस बारे में सवाल पूछा, तो उन्होंने मामले से दूरी बना ली और बिना जवाब दिए वहां से चली गईं। इवेंट के दौरान टीना से मीडिया ने पूछा, “कोमल रानी इंस्टाग्राम पर आपकी मम्मी सुनीता आहूजा पर कई आरोप लगा रही हैं”। इस सवाल को सुनते ही टीना ने तुरंत इसे टाल दिया और कहा, “प्लीज हम यहां सिर्फ इवेंट के बारे में बात करते हैं… धन्यवाद”। इतना कहने के बाद वे पैपराजी के बीच से आगे बढ़ गईं और बात आगे नहीं बढ़ाई। कोमल रानी का सुनीता आहूजा पर आरोप यह पूरा मामला तब गरमाया जब कोमल रानी ने अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी पर एक लंबा नोट शेयर कर सुनीता आहूजा पर तीखे आरोप लगाए। कोमल ने लिखा, “जो औरत सालों से अपने ही पति की जान लेने की कोशिश कर रही हो, ऐसी औरतों की बद्दुआएं किसी को नहीं लगतीं”। उन्होंने आगे कहा कि जो घर पहले से टूटा हुआ हो, उसे कोई और नहीं तोड़ सकता। कोमल ने सवाल उठाया कि क्या यह सच में दर्द है या फिर लोगों की सहानुभूति हासिल करने के लिए रची गई कोई सोची-समझी साजिश है। ‘पति को परेशान कर बर्बाद किया’ कोमल ने अपने पोस्ट में सुनीता पर सीधा निशाना साधते हुए कहा कि किसी इंसान को लगातार मानसिक रूप से परेशान करना, काम करने से रोकना, घर पर बैठने और बर्बाद होने के लिए मजबूर करना तथा पूरी तरह अलग-थलग कर देना किसी अच्छी पत्नी का बर्ताव नहीं हो सकता। उन्होंने आरोप लगाया कि सुनीता बंद कमरों के पीछे का काम सार्वजनिक रूप से कर रही हैं और अपील की कि वे अपने एजेंडे के लिए उनके नाम का इस्तेमाल बंद करें। सुनीता ने कहा था- मेरा घर बर्बाद कर रही है दरअसल, दक्षिणेश्वर काली मंदिर में पूजा-अर्चना के बाद सुनीता आहूजा ने कहा कि मैं आज दक्षिणेश्वर काली माता रानी का दर्शन करने आई हूं। आप सब जानते हैं कि महाकाली राक्षसों का नाश करती हैं। मेरे भी जीवन में कुछ राक्षस हैं, माता द्वारा बोलने आई हूं कि उनका भी नाश करें। उन्होंने आगे कहा, जो मेरे साथ हो रहा है वो अच्छा नहीं हो रहा है, ये घर मेरा टूट रहा है बिना किसी मतलब और मैं चाहती हूं आप सब औरतें मेरे लिए स्टैंड लें, सारे जेन-जी बच्चे मेरे लिए स्टैंड लें और मीडिया से दरख्वास्त करती हूं कि प्लीज ये चीज को आप आगे न बढ़ाएं। आप लोग को भी कायदे से मुझे सपोर्ट करना चाहिए। मैं माता से यही मांगने आई हूं कि जो मेरा घर बर्बाद कर रही है, माता उसे देखें। वो राक्षसों का नाश करने वाली माता रानी हैं, और मैं चाहती हूं मेरे जीवन से ये संकट हट जाए। जय मां काली, जय मां काली।” गोविंदा ने भी दिया अफेयर रूमर्स पर रिएक्शन हाल ही में ANI को दिए इंटरव्यू में गोविंदा ने कहा है कि लोग बिना वजह उनकी निजी जिंदगी को निशाना बना रहे हैं, जबकि उन्हें सिर्फ अपने काम से मतलब रखना चाहिए। गोविंदा ने कहा कि उनकी निजी जिंदगी किसी और के लिए चिंता या चर्चा का विषय नहीं होनी चाहिए। गोविंदा ने रूमर्ड गर्लफ्रेंड संग किए थे लालबागचा राजा के दर्शन गोविंदा हाल ही में कमबैक फिल्म रूपा की को-स्टार और रूमर्ड गर्लफ्रेंड कोमल रानी के साथ लालबागचा राजा के दर्शन करने पहुंचे थे। जबकि उनसे कुछ घंटों पहले ही सुनीता आहूजा अकेले दर्शन करने पहुंची थीं। साथ दर्शन करने पर गोविंदा ने दी थी सफाई कोमल रानी स्वर्णकार के साथ लालबागचा राजा के दर्शन करने पर सफाई देते हुए गोविंदा ने बताया कि वे अपनी आने वाली फिल्म रूपा के लिए लालबागचा राजा के दरबार पहुंचे थे। उन्होंने कहा, “इससे पहले भी मैं करिश्मा कपूर और रवीना टंडन के साथ मंदिरों में गया था और वे फिल्में बहुत बड़ी हिट साबित हुई थीं। मैं लंबे समय बाद नया काम शुरू कर रहा हूं, इसलिए प्रार्थना करने गया था।” परिवार से दूर करने और इमेज खराब करने की साजिश इंटरव्यू में गोविंदा ने अपने खिलाफ चल रही बातों को एक सोची-समझी चाल करार दिया। उन्होंने कहा, “यह किसी एक इंसान की गलती नहीं है, बल्कि बहुत सोच-समझकर बनाई गई योजना है। ऐसी चीजें आगे भी हो सकती हैं। यह मुझे मेरे परिवार से अलग करने और समाज में मेरी छवि खराब करने का प्लान है।” सुनीता आहूजा बोलीं- इंसान धोखा ही देते हैं गणपति उत्सव के दौरान गोविंदा को अभिनेत्री कोमल रानी स्वर्णकार के साथ दिखने के बाद सुनीता आहूजा का एक बयान सामने आया था, जिसमें उन्होंने इंसानों को धोखेबाज बताते हुए जानवरों से प्यार को बेहतर बताया। हालांकि, सुनीता ने अपने बयान में किसी का नाम नहीं लिया था।
Navjot Singh Sidhu Childhood Story

कपिल शर्मा के शो में नवजोत सिंह सिद्धू ने अपने बचपन का किस्सा सुनाया। पूर्व क्रिकेटर और कांग्रेस नेता नवजोत सिंह सिद्धू ने कपिल शर्मा के शो में अपने बचपन का एक किस्सा सुनाया। उन्होंने बताया कि यह बात करीब 1973-74 की है, जब उनके पिता उन्हें दूध-जलेबी खाने के लिए 25 पैसे यानी चवन्नी दिया करते थे। . उन्होंने कहा कि कई बार ज्यादा जलेबी खाने का मन करता था। हमें पता चला कि श्मशान घाट में अंतिम संस्कार के समय लोग चवन्नी, अठन्नी और दूसरे सिक्के छोड़ जाते हैं। इसके बाद मैं दोस्तों के साथ रात में श्मशान घाट जाता था और वहां पड़े सिक्के इकट्ठे करके उन पैसों से दूध-जलेबी खाता था। सिद्धू ने कहा कि कुछ समय बाद पंडित को इसकी जानकारी हो गई और उन्होंने हमें सिक्के उठाने से रोक दिया। बाद में पंडित खुद ही वहां पड़े सिक्के इकट्ठे करने लगे। सोमवार को नवजोत सिंह सिद्धू वीडियो जारी किया, जिसमें वे पत्नी नवजोत कौर से कहते नजर आए कि वे ये कोई नवजोत सिद्धू थोड़ी है, जो तुम्हारी बात मानेगा। सिद्धू ने पोती का वीडियो शेयर किया 5 अक्टूबर को पूर्व क्रिकेटर और कांग्रेस नेता नवजोत सिंह सिद्धू ने अपनी पोती आर्या सिद्धू का एक वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर किया है। वीडियो में उनकी पत्नी नवजोत कौर सिद्धू पहली बार पोती से बात करती नजर आ रही हैं। वहीं, सिद्धू अपने मजाकिया अंदाज में नजर आए। वीडियो में नवजोत कौर नन्हीं आर्या से आंखें खोलने के लिए कहती हैं। इस पर नवजोत सिंह सिद्धू मजाकिया अंदाज में कहते हैं, “ये कोई नवजोत सिद्धू थोड़ी है, जो तुम्हारी बात मानेगा।” उनके इस अंदाज से माहौल खुशनुमा हो जाता है। 1 अक्टूबर को दादा बने सिद्धू सिद्धू के बेटे करण सिद्धू और बहू इनायत रंधावा 1 अक्टूबर को बेटी आर्या के माता-पिता बने थे। पोती के जन्म के बाद सिद्धू ने सोशल मीडिया पर अपनी खुशी जाहिर की थी। इससे पहले भी सिद्धू ने पोती का एक वीडियो शेयर किया था। इसमें वह आर्या के पैरों को चूमते नजर आए थे। उन्होंने इस पल को माता पार्वती का आशीर्वाद बताया था। पोती के जन्म के बाद नवजोत सिंह सिद्धू ने ये फोटो इंस्टाग्राम पर पोस्ट की, जिसमें वे पोती के पैरों को चूमते नजर आए थे। सिद्धू को बचपन से क्रिकेट के प्रति जुनून 20 अक्टूबर 1963 को पटियाला, पंजाब में जन्मे नवजोत सिंह सिद्धू का बचपन क्रिकेट के जुनून में बीता। उनके पिता भगवंत सिंह खुद एक मशहूर क्रिकेटर थे, जिनसे सिद्धू ने क्रिकेट का पहला पाठ सीखा। सिद्धू ने अपनी शुरुआती पढ़ाई पटियाला के यदविंद्र पब्लिक स्कूल से की। पढ़ाई के साथ-साथ उनका मन हमेशा क्रिकेट के मैदान में रमता रहा। कॉलेज पहुंचने तक सिद्धू की पहचान एक होनहार बल्लेबाज के रूप में हो चुकी थी। आगे चलकर उन्होंने भारतीय टीम में जगह बनाकर देश का नाम रोशन किया। कॉलेज की मोहब्बत- नवजोत कौर सिद्धू की लव स्टोरी भी किसी फिल्मी कहानी से कम नहीं। कॉलेज के दिनों में वह नवजोत कौर से पहली नजर में ही प्यार करने लगे थे। वे घंटों कॉलेज के बाहर धूप में सिर्फ उन्हें देखने खड़े रहते थे। नवजोत कौर उस समय एमबीबीएस की पढ़ाई कर रही थीं। दोनों के बीच धीरे-धीरे दोस्ती हुई और वक्त के साथ रिश्ता गहराता चला गया। लंबे इंतजार और समर्पण के बाद सिद्धू ने उन्हें प्रपोज किया। शादी से पहले सिद्धू ने नवजोत कौर की जन्मपत्री मिलवाई और जब 36 में से पूरे 36 गुण मिले तो दोनों ने शादी कर ली। चुनाव हारने के बाद राजनीति से दूरी बनाई नवजोत सिंह सिद्धू साल 2022 के पंजाब विधानसभा चुनाव में अमृतसर पूर्व सीट से अपनी हार और कांग्रेस की करारी शिकस्त के बाद से ही सक्रिय राजनीति से दूर हैं। उनकी इस दूरी का मुख्य कारण चुनाव के बाद पंजाब कांग्रेस में उनकी सांगठनिक उपेक्षा, शीर्ष राज्य नेतृत्व के साथ मतभेद और दिसंबर 1988 के रोड रेज मामले में सुप्रीम कोर्ट से मिली एक साल की जेल की सजा (मई 2022 से अप्रैल 2023) रही है। जेल से रिहा होने के बाद उनकी पत्नी डॉ. नवजोत कौर सिद्धू के स्टेज-4 कैंसर के इलाज और देखभाल के चलते उन्होंने अपना पूरा ध्यान परिवार पर केंद्रित कर लिया। फरवरी 2026 में उनकी पत्नी को कांग्रेस विरोधी बयानों के कारण पार्टी से निष्कासित कर दिया गया, जिसके बाद उन्होंने ‘भारतीय राष्ट्रवादी पार्टी’ बना ली, लेकिन सिद्धू खुद कांग्रेस और सक्रिय राजनीति दोनों से दूर बने हुए हैं। श्राद्ध के बाद राजनीति में सक्रिय होने की चर्चा नवजोत सिंह सिद्धू फिलहाल राजनीति से दूर हैं। हालांकि, सियासी गलियारों में चर्चा है कि श्राद्ध खत्म होने के बाद वह फिर राजनीति में सक्रिय हो सकते हैं। कुछ जगहों पर उनके पार्टी बदलने की भी चर्चा है। हालांकि, इस संबंध में अभी कोई ठोस जानकारी सामने नहीं आई है। ************ नवजोत सिंह सिद्धू ने अपने घर बांटे: अमृतसर वाला बेटी को, पटियाला वाला पुश्तैनी मकान बेटे को दिया; गृह प्रवेश के फोटो पोस्ट किए पंजाब कांग्रेस के नेता व पूर्व क्रिकेटर नवजोत सिंह सिद्धू ने अपने घरों का बंटवारा कर दिया है। उन्होंने अमृतसर स्थित मकान को अपनी बेटी राबिया और पटियाला स्थित पुश्तैनी मकान को बेटे करन को दिया है। इस संबंध में उन्होंने एक पोस्ट भी शेयर की। (पढ़ें पूरी खबर)
Naseeruddin Shah & Piyush Mishra Controversy

10 मिनट पहले कॉपी लिंक मुंबई के शिवाजी पार्क में कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने चीफ इलेक्शन कमिश्नर ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर प्रदर्शन किया। इस प्रोटेस्ट में एक्टर नसीरुद्दीन शाह और संगीतकार विशाल ददलानी समेत कई हस्तियां शामिल हुईं। पीयूष मिश्रा ने नसीरुद्दीन शाह की अभिजीत दिपके से मुलाकात का जिक्र करते हुए देश के अन्य मुद्दों पर उनकी चुप्पी पर सवाल उठाए। उन्होंने दुबई की फ्लाइट में 170 यात्रियों की जान बचाने वाले स्मिथ मच्छर की तारीफ करने और लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी (LPU) की घटना पर बयान देने की मांग की। पीयूष मिश्रा ने देश के अन्य मुद्दों पर नसीरुद्दीन शाह की चुप्पी पर सवाल उठाते हुए कहा कि अब नसीर साहब के हर बयान का वे खुद जवाब देंगे। ‘फ्लाइट हादसे में जान बचाने वाले की तारीफ करें’ पीयूष मिश्रा ने अपने सोशल मीडिया वीडियो में नसीरुद्दीन शाह से कहा कि वे पुराने जानकार हैं। पीयूष ने हाल ही में फ्लाईदुबई की फ्लाइट 1073 में टले हादसे का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि स्मित मच्छार नाम के व्यक्ति ने बहादुरी दिखाकर 170 लोगों की जान बचाई है। नसीर साहब को उस घटना पर भी कमेंट करना चाहिए और उस जांबाज को बधाइयां देनी चाहिए। एलपीयू घटना पर संवेदना जताने की मांग पीयूष मिश्रा ने लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी (LPU) के मुद्दे को भी उठाया। उन्होंने कहा कि वहां छात्रों के साथ पुलिस कार्रवाई के दौरान धक्का-मुक्की और हंगामा हुआ। पीयूष ने तंज कसते हुए याद दिलाया कि नसीरुद्दीन शाह ने कहा था कि उन्होंने जितना नेशनल स्कूल ऑफ ड्रामा (NSD) और FTII में नहीं सीखा, उतना इन बच्चों से सीखा है। पीयूष ने पूछा कि ये बच्चे कब से एक्टिंग टीचर हो गए, नसीर साहब को इस पर भी मैसेज भेजकर अपनी संवेदना जतानी चाहिए। ‘झारखंड में नज्म नहीं, आटा-दाल-रोटी चाहिए थी’ वीडियो में पीयूष मिश्रा ने झारखंड छात्र आंदोलन के दौरान मांगी गई मदद का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि जब उन्होंने झारखंड के लिए नसीर साहब से मदद मांगी थी, तो उन्होंने एक पाकिस्तानी शायरा की नज्म भेज दी थी। पीयूष ने कहा कि वहां के लोगों को किसी शायरा की नज्म नहीं, बल्कि आटा, दाल, रोटी, लिट्टी और चोखा चाहिए था। उन्हें कोई पिज्जा या बर्गर नहीं चाहिए था। पीयूष मिश्रा ने नसीरुद्दीन शाह को साफ शब्दों में कहा कि अब वे जब भी कोई सार्वजनिक बयान देंगे, तो उन्हें पीयूष मिश्रा की तरफ से जवाब जरूर मिलेगा। उन्होंने खुद को नसीर साहब का पुराना जानकार बताते हुए ‘इंकलाब जिंदाबाद’ के साथ अपनी बात खत्म की। दोनों एक्टर्स के बीच जुबानी जंग का बैकग्राउंड नसीरुद्दीन शाह और पीयूष मिश्रा के बीच यह विवाद नया नहीं है। इससे पहले दिल्ली में हुए नीट (NEET) प्रोटेस्ट के दौरान नसीरुद्दीन शाह ने बॉलीवुड हस्तियों की चुप्पी पर सवाल उठाए थे। इसके जवाब में पीयूष मिश्रा ने झारखंड के छात्र आंदोलन में पहुंचकर नसीरुद्दीन शाह को घेरा था और वहां सपोर्ट न करने का कारण पूछा था। अब मुंबई में इलेक्शन कमिश्नर के खिलाफ सीजेपी के प्रदर्शन में नसीर शाह के शामिल होने पर पीयूष ने नया वीडियो जारी कर फिर तीखे सवाल दागे हैं। दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔