Saturday, 03 Oct 2026 | 12:30 PM

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गठिया रोग में क्या खाएं और क्या नहीं? एक्सपर्ट ने बताए जरूरी खानपान और लाइफस्टाइल टिप्स

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अंबाला: बढ़ती उम्र के साथ जोड़ों में दर्द, सूजन और अकड़न की समस्या तेजी से बढ़ रही है. खासकर गठिया (आर्थराइटिस) के मरीजों में यह परेशानी आम होती जा रही है. दर्द से तुरंत राहत पाने के लिए कई लोग बिना डॉक्टर की सलाह के लंबे समय तक पेन किलर दवाइयों का सेवन करने लगते हैं. लेकिन स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि यह आदत शरीर के लिए गंभीर नुकसान का कारण बन सकती है. लगातार पेन किलर लेने से किडनी पर बुरा असर पड़ सकता है और अन्य बीमारियों का खतरा भी बढ़ जाता है. गठिया रोग के कारण धीरे-धीरे जोड़ों की कार्यक्षमता कम होने लगती है और मरीज को चलने-फिरने, सीढ़ियां चढ़ने और रोजमर्रा के सामान्य काम करने में भी कठिनाई का सामना करना पड़ता है. ऐसे में लोग दर्द से राहत पाने के लिए दवाइयों का सहारा लेते हैं, लेकिन बिना चिकित्सकीय सलाह के इनका अधिक सेवन भविष्य में नई स्वास्थ्य समस्याओं को जन्म दे सकता है. पेन किलर दवाओं से नुकसान इस बारे में लोकल 18 को अधिक जानकारी देते हुए अंबाला शहर नागरिक अस्पताल में कार्यरत होम्योपैथिक चिकित्सक डॉ. रजिता ने बताया कि जोड़ों में दर्द और सूजन की समस्या में पेन किलर दवाओं का अत्यधिक उपयोग खतरनाक साबित हो सकता है. उन्होंने कहा कि इन दवाइयों का लगातार सेवन किडनी पर दुष्प्रभाव डालता है और शरीर के अन्य अंगों को भी प्रभावित कर सकता है. होम्योपैथिक में गठिया रोग का बेहतर इलाज डॉ. रजिता ने बताया कि होम्योपैथिक पद्धति में गठिया रोग का बेहतर इलाज संभव है. मरीज के शरीर में होने वाले बदलावों और लक्षणों की जांच के बाद कुछ समय में इस बीमारी को नियंत्रित किया जा सकता है. उन्होंने कहा कि यदि किसी व्यक्ति को रोज सुबह बिस्तर से उठते समय शरीर में जकड़न महसूस होती है या चलने-फिरने में परेशानी आती है, तो उसे तुरंत जांच करवानी चाहिए. ब्लड टेस्ट के जरिए यूरिक एसिड और गठिया रोग की स्थिति का पता लगाया जा सकता है. उन्होंने यह भी बताया कि लंबे समय तक खड़े रहने पर पैरों में सूजन और दर्द होना भी गठिया का संकेत हो सकता है. ऐसे लक्षण दिखाई देने पर डॉक्टर की सलाह लेना जरूरी है, क्योंकि समय रहते उपचार शुरू करने से बीमारी को बढ़ने से रोका जा सकता है. गठिया के मरीज इन चीजों से बनाएं दूरी खानपान को लेकर भी उन्होंने कई महत्वपूर्ण सुझाव दिए. उन्होंने कहा कि गठिया रोग से पीड़ित मरीजों को चावल, राजमा, चने और कढ़ी जैसी चीजों का सेवन कम करना चाहिए. इसके अलावा दूध और अधिक प्रोटीन वाली चीजों का उपयोग भी सीमित मात्रा में करना चाहिए. वहीं, हरी सब्जियां और काली मिर्च का सेवन मरीजों के लिए लाभकारी माना गया है. साथ ही गठिया रोग के मरीजों को अपनी जीवनशैली में बदलाव लाना बेहद जरूरी है. नियमित योग और हल्का व्यायाम शरीर को सक्रिय रखने में मदद करता है. साथ ही नॉनवेज के अत्यधिक सेवन से भी बचना चाहिए. होम्योपैथिक उपचार उन्होंने बताया कि होम्योपैथिक उपचार में अर्निका, रस टॉक्स, लेडम पाल और ब्रायोनिया जैसी दवाइयां मरीज की स्थिति के अनुसार दी जाती हैं. उपचार के दौरान मरीज की पुरानी मेडिकल हिस्ट्री और शारीरिक-मानसिक स्थिति को ध्यान में रखा जाता है. क्या है इलाज विशेषज्ञों का मानना है कि गठिया के मरीजों को बिना सलाह लंबे समय तक पेन किलर लेने से बचना चाहिए. संतुलित आहार, नियमित व्यायाम, वजन नियंत्रण और समय पर सही इलाज के जरिए इस बीमारी को काफी हद तक नियंत्रित किया जा सकता है.

लुधियाना- सगे भाईयों ने इकलौती बहन को घर गिफ्ट किया:175 गज में बना, कीमत करीब ₹50 लाख; सरप्राइज देख तो फूट-फूटकर रोई

लुधियाना- सगे भाईयों ने इकलौती बहन को घर गिफ्ट किया:175 गज में बना, कीमत करीब ₹50 लाख; सरप्राइज देख तो फूट-फूटकर रोई

लुधियाना में सगे भाइयों ने इकलौती बहन को 175 गज का घर गिफ्ट कर दिया। इसकी कीमत करीब 50 लाख रुपए है। भाईयों ने सरप्राइज तरीके से बहन को ये गिफ्ट दिया। वह ढोल बजाते हुए बहन को वहां ले गए। जब उन्होंने नेम प्लेट से कागज हटाया तो अपना नाम लिखा देकर बहन रो पड़ी। बहन शादीशुदा है। भाईयों का कहना है कि पिता के निधन के बाद बहन हमेशा उनके साथ खड़ी रही। इसलिए अपने घर के नजदीक ही मकान बनाकर दिया। बहन को घर गिफ्ट करने वाले दोनों भाई एक्टिंग करते हैं। एक भाई बिग बॉस के सीजन 10 में कॉमनर कंटेस्टेंट के तौर पर भी हिस्सा ले चुका है। बहन को सरप्राइज गिफ्ट में घर देने की पूरी कहानी ऐसे दिया सरप्राइज गिफ्ट की बहन रो पड़ी दोनों भाइयों अमर देवगन और देव देवगन ने इस सरप्राइज को बेहद खास तरीके से प्लान किया। देव ने बताया कि 5 मई को मेरी मैरिज एनिवर्सरी थी। जिसको लेकर घर पर पाठ रखा गया था। पाठ पूरा होने के बाद देव अपनी पत्नी को गिफ्ट देने के बहाने बाहर लेकर गए। उनके साथ बहन मनप्रीत कौर बिर्दी और परिवार को साथ ले लिया। इस दौरान बहन मनप्रीत ने पूछा कि अपनी एनिवर्सरी पर मुझे क्या गिफ्ट दे रहे हो। बहन को लगा कि एक्टिवा या फिर ऐसी कोई दूसरी चीज देंगे। वह रास्ते भर पूछती रही लेकिन दोनों भाईयों ने इसे सस्पेंस बनाए रखा। इसके बाद वह रिश्तेदारों और ढोल के साथ पैदल ही कोट मंगल सिंह में अपने घर की पास वाली गली में गए। वहां जाकर दोनों भाई एक घर के बाहर खड़े हो गए। जब उन्होंने घर के बाहर लगी नेमप्लेट से कागज हटाया तो उसमें मनप्रीत कौर बिरदी लिखा हुआ था। उन्होंने बहन को बताया कि यह तेरे लिए गिफ्ट है। यह देखकर बहन फूट-फूटकर रोने लगी और भाईयों के गले लग गई। उसे समझ नहीं आ रहा था कि भाईयों ने इतना बड़ा घर उसे गिफ्ट कर दिया। भाइयों ने उसे मुश्किल से चुप कराया कि आज रोने का नहीं बल्कि खुशी का दिन है। दोनों भाई कलाकार और डिजिटल कंटेंट क्रिएटर अमर देवगन और देव देवगन लुधियाना के रहने वाले हैं और डिजिटल कंटेंट क्रिएटर और कलाकार हैं। ये दोनों मुख्य रूप से अपनी पंजाबी वेब सीरीज और फैमिली ड्रामा करते हैं। अमर देवगन अक्सर ऐसी शॉर्ट फिल्में और सीरीज बनाते हैं जो पंजाब के ग्रामीण जीवन,सामाजिक मुद्दों और पारिवारिक रिश्तों पर आधारित होती हैं। वह सकियां भैणां (सगी बहनें) सीरीज भी बना चुके हैं। वहीं देव बिग बॉस-10 में कॉमनर कंटेस्टेंट के तौर पर हिस्सा ले चुके हैं। 2016 में हुए इस शो में मेन कंटेस्टेंट सेलिब्रिटीज के साथ इंडिया वाले यानी कॉमन लोगों को भी सिलेक्ट किया गया था। इन्हीं में देव भी शामिल थे। एक्टिंग के अलावा देव वीडियो एडिटिंग, डायरेक्शन और डायलॉग लिखने में भी माहिर हैं।

IPL में आज दिल्ली vs कोलकाता:प्लेऑफ की रेस में बने रहने के लिए कैपिटल्स को जीत जरूरी, नाइटराइडर्स ने पिछले तीनों मैच जीते

IPL में आज दिल्ली vs कोलकाता:प्लेऑफ की रेस में बने रहने के लिए कैपिटल्स को जीत जरूरी, नाइटराइडर्स ने पिछले तीनों मैच जीते

IPL में आज दिल्ली कैपिटल्स का सामना कोलकाता नाइट राइडर्स से होगा। मैच दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में शाम 7:30 बजे से खेला जाएगा। दिल्ली के लिए यह मुकाबला करो या मरो जैसा है। टीम 10 मैचों में 8 पॉइंट्स के साथ सातवें नंबर पर है। प्लेऑफ की उम्मीदें बनाए रखने के लिए उसे बाकी चारों मैच जीतने होंगे। वहीं, आठवें नंबर पर मौजूद KKR को अगले दौर में पहुंचने के लिए अपने सभी पांच मैच जीतने होंगे। दोनों टीमें 35वीं बार आमने-सामने होंगी दोनों टीमों के बीच अब तक 34 मैच खेले गए हैं। DC ने 14 और KKR ने 19 मैच जीते हैं। एक मैच टाई रहा, जिसे DC ने जीता। पिछले सीजन में दोनों के बीच खेले गए मुकाबले में कोलकाता जीता था। स्पिनर्स के सामने संघर्ष कर रहे बल्लेबाज दिल्ली का मैनेजमेंट अपनी बल्लेबाजी को लेकर चिंतित है। पिछले मैचों में जब भी पिच से गेंदबाजों को मदद मिली, दिल्ली का टॉप ऑर्डर ताश के पत्तों की तरह ढह गया। रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के खिलाफ टीम एक समय 9 रन पर 6 विकेट गंवा चुकी थी। गुजरात टाइटंस के राशिद खान और चेन्नई के स्पिनर्स के सामने भी बल्लेबाज संघर्ष करते नजर आए थे। ऐसे में टीम को लगता है कि सपाट पिच पर ही बल्लेबाज खुलकर रन बना पाएंगे। दिल्ली के लिए केएल राहुल ने इस सीजन में 445 रन बनाए हैं। उनका स्ट्राइक रेट 180 के करीब रहा है। वे टीम के टॉप रन स्कोरर हैं। कुलदीप यादव का खराब सीजन, पेसर्स भी लुटा रहे रन दिल्ली की गेंदबाजी इस सीजन में सबसे कमजोर कड़ी साबित हुई है। मुख्य स्पिनर कुलदीप यादव अपने करियर के खराब दौर से गुजर रहे हैं। उन्होंने 10 मैचों में सिर्फ 7 विकेट लिए हैं और 10 से ज्यादा की इकॉनमी से रन दिए हैं। तेज गेंदबाज मुकेश कुमार, टी नटराजन और आकिब नबी डार का इकॉनमी रेट 11 से 13 के बीच है। कप्तान अक्षर पटेल (9 विकेट) को छोड़कर कोई भी गेंदबाज दहाई के आंकड़े तक नहीं पहुंच सका है। अक्षर टीम के टॉप विकेट टेकर हैं। KKR की ताकत स्पिन, लेकिन टॉप ऑर्डर सिरदर्द कोलकाता नाइट राइडर्स के लिए अच्छी बात यह है कि उनके स्पिनर्स लगातार विकेट निकाल रहे हैं। वरुण के नाम 10 और नरेन के नाम 9 विकेट हैं। हालांकि, कप्तान अजिंक्य रहाणे और अंगक्रिश रघुवंशी की ओपनिंग जोड़ी टीम को उम्मीद के मुताबिक शुरुआत नहीं दे पा रही है। रिंकू सिंह को छोड़कर मिडिल ऑर्डर में भी निरंतरता की कमी रही है। KKR को मैच जीतने के लिए बल्लेबाजों को जिम्मेदारी लेनी होगी। अरुण जेटली स्टेडियम पिच रिपोर्ट अरुण जेटली स्टेडियम की पिच IPL में बल्लेबाजी के लिए अनुकूल मानी जाती है। सपाट पिच और छोटी बाउंड्री (60-66 मीटर) के कारण यहां हाई-स्कोरिंग मैच होते हैं। हालांकि, पिछले दो मैचों के नतीजे अलग रहे हैं। इस पिच पर IPL के 101 मैच खेले गए हैं। इनमें 48 बार पहले बल्लेबाजी और 52 बार चेज करने वाली टीम जीती है। एक मैच रद्द हुआ। बारिश की संभावना नहीं शुक्रवार को दिल्ली में मैच के दौरान तापमान लगभग 28 डिग्री से 32 डिग्री के बीच रहने का अनुमान है। वहीं बारिश संभावना नहीं है। दोनों टीमों की प्लेइंग-XI दिल्ली कैपिटल्स: केएल राहुल (विकेटकीपर), पथुम निसांका, करुण नायर, ट्रिस्टन स्टब्स, नीतीश राणा, अक्षर पटेल (कप्तान), आशुतोष शर्मा, मिचेल स्टार्क, कुलदीप यादव, लुंगी एनगिडी, टी नटराजन और समीर रिजवी। कोलकाता नाइट राइडर्स: अजिंक्य रहाणे (कप्तान), अंगकृष रघुवंशी (विकेटकीपर), कैमरन ग्रीन, रोवमन पॉवेल, मनीष पांडे, रिंकू सिंह, सुनील नरेन, अनुकूल रॉय, कार्तिक त्यागी, वरुण चक्रवर्ती, वैभव अरोड़ा और फिन एलन।

IPL में आज दिल्ली vs कोलकाता:प्लेऑफ की रेस में बने रहने के लिए कैपिटल्स को जीत जरूरी, नाइटराइडर्स ने पिछले तीनों मैच जीते

IPL में आज दिल्ली vs कोलकाता:प्लेऑफ की रेस में बने रहने के लिए कैपिटल्स को जीत जरूरी, नाइटराइडर्स ने पिछले तीनों मैच जीते

IPL में आज दिल्ली कैपिटल्स का सामना कोलकाता नाइट राइडर्स से होगा। मैच दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में शाम 7:30 बजे से खेला जाएगा। दिल्ली के लिए यह मुकाबला करो या मरो जैसा है। टीम 10 मैचों में 8 पॉइंट्स के साथ सातवें नंबर पर है। प्लेऑफ की उम्मीदें बनाए रखने के लिए उसे बाकी चारों मैच जीतने होंगे। वहीं, आठवें नंबर पर मौजूद KKR को अगले दौर में पहुंचने के लिए अपने सभी पांच मैच जीतने होंगे। दोनों टीमें 35वीं बार आमने-सामने होंगी दोनों टीमों के बीच अब तक 34 मैच खेले गए हैं। DC ने 14 और KKR ने 19 मैच जीते हैं। एक मैच टाई रहा, जिसे DC ने जीता। पिछले सीजन में दोनों के बीच खेले गए मुकाबले में कोलकाता जीता था। स्पिनर्स के सामने संघर्ष कर रहे बल्लेबाज दिल्ली का मैनेजमेंट अपनी बल्लेबाजी को लेकर चिंतित है। पिछले मैचों में जब भी पिच से गेंदबाजों को मदद मिली, दिल्ली का टॉप ऑर्डर ताश के पत्तों की तरह ढह गया। रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के खिलाफ टीम एक समय 9 रन पर 6 विकेट गंवा चुकी थी। गुजरात टाइटंस के राशिद खान और चेन्नई के स्पिनर्स के सामने भी बल्लेबाज संघर्ष करते नजर आए थे। ऐसे में टीम को लगता है कि सपाट पिच पर ही बल्लेबाज खुलकर रन बना पाएंगे। दिल्ली के लिए केएल राहुल ने इस सीजन में 445 रन बनाए हैं। उनका स्ट्राइक रेट 180 के करीब रहा है। वे टीम के टॉप रन स्कोरर हैं। कुलदीप यादव का खराब सीजन, पेसर्स भी लुटा रहे रन दिल्ली की गेंदबाजी इस सीजन में सबसे कमजोर कड़ी साबित हुई है। मुख्य स्पिनर कुलदीप यादव अपने करियर के खराब दौर से गुजर रहे हैं। उन्होंने 10 मैचों में सिर्फ 7 विकेट लिए हैं और 10 से ज्यादा की इकॉनमी से रन दिए हैं। तेज गेंदबाज मुकेश कुमार, टी नटराजन और आकिब नबी डार का इकॉनमी रेट 11 से 13 के बीच है। कप्तान अक्षर पटेल (9 विकेट) को छोड़कर कोई भी गेंदबाज दहाई के आंकड़े तक नहीं पहुंच सका है। अक्षर टीम के टॉप विकेट टेकर हैं। KKR की ताकत स्पिन, लेकिन टॉप ऑर्डर सिरदर्द कोलकाता नाइट राइडर्स के लिए अच्छी बात यह है कि उनके स्पिनर्स लगातार विकेट निकाल रहे हैं। वरुण के नाम 10 और नरेन के नाम 9 विकेट हैं। हालांकि, कप्तान अजिंक्य रहाणे और अंगक्रिश रघुवंशी की ओपनिंग जोड़ी टीम को उम्मीद के मुताबिक शुरुआत नहीं दे पा रही है। रिंकू सिंह को छोड़कर मिडिल ऑर्डर में भी निरंतरता की कमी रही है। KKR को मैच जीतने के लिए बल्लेबाजों को जिम्मेदारी लेनी होगी। अरुण जेटली स्टेडियम पिच रिपोर्ट अरुण जेटली स्टेडियम की पिच IPL में बल्लेबाजी के लिए अनुकूल मानी जाती है। सपाट पिच और छोटी बाउंड्री (60-66 मीटर) के कारण यहां हाई-स्कोरिंग मैच होते हैं। हालांकि, पिछले दो मैचों के नतीजे अलग रहे हैं। इस पिच पर IPL के 101 मैच खेले गए हैं। इनमें 48 बार पहले बल्लेबाजी और 52 बार चेज करने वाली टीम जीती है। एक मैच रद्द हुआ। बारिश की संभावना नहीं शुक्रवार को दिल्ली में मैच के दौरान तापमान लगभग 28 डिग्री से 32 डिग्री के बीच रहने का अनुमान है। वहीं बारिश संभावना नहीं है। दोनों टीमों की प्लेइंग-XI दिल्ली कैपिटल्स: केएल राहुल (विकेटकीपर), पथुम निसांका, करुण नायर, ट्रिस्टन स्टब्स, नीतीश राणा, अक्षर पटेल (कप्तान), आशुतोष शर्मा, मिचेल स्टार्क, कुलदीप यादव, लुंगी एनगिडी, टी नटराजन और समीर रिजवी। कोलकाता नाइट राइडर्स: अजिंक्य रहाणे (कप्तान), अंगकृष रघुवंशी (विकेटकीपर), कैमरन ग्रीन, रोवमन पॉवेल, मनीष पांडे, रिंकू सिंह, सुनील नरेन, अनुकूल रॉय, कार्तिक त्यागी, वरुण चक्रवर्ती, वैभव अरोड़ा और फिन एलन।

प्रिंस ने कोहली को जीरो पर बोल्ड किया:पंत के हाथ से बल्ला छूटा, मार्श ने लखनऊ के लिए सबसे तेज शतक जड़ा; मोमेंट्स-रिकॉर्ड्स

प्रिंस ने कोहली को जीरो पर बोल्ड किया:पंत के हाथ से बल्ला छूटा, मार्श ने लखनऊ के लिए सबसे तेज शतक जड़ा; मोमेंट्स-रिकॉर्ड्स

IPL में गुरुवार को खेले गए मैच में लखनऊ सुपर जायंट्स ने रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु को 9 रन से हरा दिया। इकाना स्टेडियम में मिचेल मार्श ने लखनऊ के लिए सबसे तेज शतक जड़कर इतिहास रचा। वहीं, युवा गेंदबाज प्रिंस यादव ने विराट कोहली को शून्य पर बोल्ड कर बड़ा झटका दिया। मैच के दौरान ऋषभ पंत के हाथ से बल्ला छूटने वाला मजेदार पल भी देखने को मिला। आइए जानते हैं मैच के खास मोमेंट्स और रिकॉर्ड्स। लखनऊ-बेंगलुरु मैच के टॉप मोमेंट्स 1. मार्श के छक्के से कैमरामैन के सिर पर लगी बॉल लखनऊ की पारी के दूसरे ओवर में मिचेल मार्श ने जोश हेजलवुड की बॉल पर दो छक्के लगाए। उनका दूसरा छक्का बाउंड्री पर मौजूद कैमरामैन के सिर पर जा लगा। हालांकि, चोट ज्यादा नहीं लगी। 2. बारिश के कारण मैच तीन बार रुका 3. पंत के हाथ से बल्ला छूटा, चौका भी मिला 17वें ओवर की तीसरी बॉल पर ऋषभ पंत के हाथ से बल्ला छूट गया। हालांकि, इस बॉल पर उन्हें चौका मिल गया। हेजलवुड की यॉर्कर ऑफ स्टंप के बाहर थी, जिस पर पंत ने जोरदार शॉट खेला। गेंद पॉइंट की ओर चौके के लिए गई, लेकिन शॉट के दौरान उनका बल्ला हाथ से छूटकर लेग साइड में जा गिरा। 4. पंत को जीवनदान, कैच छूटा, बेथेल की उंगली में चोट लगी 17वें ओवर की 5वीं बॉल पर ऋषभ पंत को जीवनदान मिला। जोश हेजलवुड की लो फुल टॉस गेंद पर पंत ने शॉट खेला और गेंद डीप मिडविकेट की ओर गई। बाउंड्री से दौड़ते हुए बेथेल ने कैच पकड़ने की कोशिश की, लेकिन कैच छूट गया। इस दौरान उनकी उंगली चोटिल हो गई और खून निकलने लगा। चोट के बाद उन्हें कुछ समय के लिए मैदान से बाहर जाना पड़ा। 5. कोहली को प्रिंस यादव ने बोल्ड किया दूसरी पारी के दौरान बेंगलुरु ने दूसरे ओवर में दूसरा विकेट गंवाया। विराट कोहली जीरो पर आउट हुए। उन्हें प्रिंस यादव ने बोल्ड किया। करीब 140 किमी प्रति घंटे की रफ्तार की गेंद गुड लेंथ पर ऑफ स्टंप के बाहर पिच हुई। कोहली आगे बढ़कर खेलने गए, लेकिन गेंद अंदर आई और सीधे ऑफ स्टंप से टकराकर स्टंप उखाड़ गई। 6. पाटीदार की छक्के से फिफ्टी 10वें ओवर में कप्तान रजत पाटीदार ने छक्के से फिफ्टी पूरी की। उन्होंने मयंक यादव की दूसरी बॉल पर डीप बैकवर्ड स्क्वैयर लेग के ऊपर छक्का लगाया। अगली बॉल पर उन्होंने 101 मीटर का छक्का जड़ा। यहां से टॉप रिकॉर्ड्स पढ़िए 1. मार्श ने लखनऊ के लिए सबसे तेज शतक लगाया लखनऊ के बल्लेबाज मिचेल मार्श ने बेंगलुरु के खिलाफ मैच में टीम के लिए सबसे तेज शतक लगाया। उन्होंने गुरुवार को इकाना स्टेडियम में सिर्फ 49 गेंदों में सेंचुरी पूरी की। इससे पहले यह रिकॉर्ड ऋषभ पंत के नाम था। उन्होंने पिछले साल 54 गेंदों में शतक लगाया था। 2. भुवनेश्वर 200 IPL मैच खेलने वाले पहले पेसर बेंगलुरु के भुवनेश्वर कुमार 200 IPL मैच खेलने वाले पहले तेज गेंदबाज बन गए हैं। उन्होंने लखनऊ के खिलाफ यह उपलब्धि हासिल की। भुवनेश्वर 200 मैच खेलने वाले कुल 12वें खिलाड़ी बने हैं। इससे पहले 5 अप्रैल को वे युजवेंद्र चहल के बाद IPL में 200 विकेट लेने वाले दूसरे और पहले तेज गेंदबाज बने थे।

तमिल: विजय की पार्टी टीवीके के सभी 108 विधायक छोड़ देंगे, अगर डीएमके या एआईएडीएमके ने उठाया ये कदम

तमिल: विजय की पार्टी टीवीके के सभी 108 विधायक छोड़ देंगे, अगर डीएमके या एआईएडीएमके ने उठाया ये कदम

तमिलनाडु सरकार का गठन: तमिल में त्रिशंकु विधानसभा के बाद सरकार गठन को लेकर सस्पेंस और गहराई जा रही है। विजय की नागालैंड वाली तमिलगा वेत्री कशगम (टीवीके) ने गवर्नर के सामने सरकार बनाने का दावा पेश किया है, लेकिन उन्हें बहुमत का जरूरी पात्र (118) साबित करने के लिए कहा गया है। अभिनेता से नेता बने विजय की अवाज वाली तमिलगा वेत्री कशगम (टीवीके) हाल ही में हुई 108 पवित्र कैलाश में सबसे बड़ी पार्टी उभर कर सामने आई है, लेकिन 238 फैजाबाद विधानसभा में सरकार बनाने के लिए जरूरी 118 के आंकड़े अभी भी पीछे हैं। ऐसे में पार्टी को बहुमत हासिल करने के लिए कम से कम 10 और बहुमत के समर्थन की जरूरत है। टीवीके उठाना बड़ा कदम हो सकता है इसी बीच, द्रविड़ मुनेत्र कशगम (एमएमके) और अखिल भारतीय अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कशगम (एमएमके) के बीच बातचीत की खबरें ने हलचल तेज कर दी है। टीवीके ऑफिसियल के, अगर टीचर्स या आईए डियाके सरकार बनाने का दावा पेश करने की कोशिश कर रहे हैं, तो पार्टी के सभी 108 नेता पद छोड़ सकते हैं। यह एक बड़ा और आक्रामक राजनीतिक कदम माना जा रहा है, जिससे राज्य की राजनीति में बदलाव और बढ़ोतरी हो सकती है। असल में, टीवीके को शक है कि एम के स्टालिन के नेतृत्व वाली टीचर्स और एआईए एमआईके के सामूहिक विजय को सत्य से दूर रखने की रणनीति बनाई जा रही है। इसी के नाम पर स्टालिन ने राजनीतिक निर्णय लेने का विरोध किया और इसके लिए उन्हें अधिकार भी दे दिया। तमिलनाडु में अभी स्थिति बेहद अनिश्चित है, एक तरफ टीवीके बहुसंख्यक कम्युनिस्ट पार्टी की कोशिश है, तो दूसरी तरफ नए गठबंधन की राज्य की राजनीति का अनुपात पूरी तरह से बदल सकता है। टीवीके ने लेफ्ट से मांगा समर्थन टीवीके नेता सी. ए.टी. कुमार ने भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के एम. वीरपांडियन और मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी के पी. मुशनगम से मुलाकात कर समर्थन माँगा। उन्होंने जोर देकर कहा कि विजय से पहले ही स्पष्ट कर दिया गया है कि सत्ता में भागीदारी जरूरी है, ताकि सहयोगी दल-अपने सहयोगियों और सहयोगियों को अपने-अपने काम में लागू कर सकें। कुमार के अनुसार, टीवीके ने वाम आश्रम, विदुथलाई चिरुथिगल काची (वीसी) और इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग (आइयू लेवल) को ईमेल और समर्थन पत्र के माध्यम से समर्थन का प्रस्ताव भेजा है। वे भरोसेमंद समर्थकों की पार्टी तमिलनाडु में सरकार बनाने में सफल होंगे। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि टीवीके ने जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) से कोई संपर्क नहीं किया है और ऐसा करने का कोई इरादा नहीं है। वहीं कांग्रेस ने, जो 5 शेयर बाजार हैं, सबसे पहले टीवीके को समर्थन देने की घोषणा की है. कुमार ने कहा कि संवैधानिक परंपरा के अनुसार राज्यपाल को सबसे बड़ी पार्टी को सरकार बनाने के लिए आमंत्रित करना चाहिए. उनका दावा है कि प्रतिष्ठा टीवी के पक्ष में है और इसी आधार पर विजय को मुख्यमंत्री बनने का अवसर मिलना चाहिए। (टैग्सटूट्रांसलेट)विजय(टी)टीवीके प्रमुख(टी)तमिलनाडु सरकार(टी)जोसेफ विजय(टी)एमके स्टालिन(टी)डीएमके(टी)एमके स्टालिन डीएमके सहयोगियों की बैठक(टी)एमके स्टालिन पार्टी का नाम(टी)तमिलनाडु सरकार गठन

एयर कूलर की गलतियाँ: गर्मी में न बन जाए काल, करंट से बचने के लिए आज ही चेक करें ये 3 चीजें; अन्यथा लग सकता है जोर का झटका

तस्वीर का विवरण

डेमोक्रेसी की वायरिंग और वर्कशॉप अवश्य जांचें: कई लोग प्राचीन काल के तार और वस्तुओं का उपयोग करते रहते हैं। गर्मी में लगातार अस्थिरता से तार गर्म हो रहे हैं और करंट लीकेज का खतरा बढ़ रहा है। छवि: एआई अगर तार कटी जली हुई तो तुरंत बदल दें। प्रोसेसर का उपयोग बिल्कुल नहीं किया जा सकता। उत्पाद बोर्ड की जगह सीधे एंटरप्राइज़ में इलेक्ट्रॉनिक्स प्लांट। बार-बार स्पार्किंग हो रही हो तो तुरंत बिजली मिस्त्री को कॉल करें। छवि: एआई पानी का लाइकेज बिल्कुल निश्चित नहीं है: ग्लूकोज में पानी और बिजली दोनों एक साथ होते हैं, इसलिए छोटे सी लाइकेज भी खतरनाक हो सकते हैं। कई बार मोटर या पंप के पास पानी जमा होने से बॉडी में करंट आने लगता है। छवि: एआई अर्थशास्त्र के नीचे पानी जमा हो रहा हो तो तुरंत ठीक करवाएं। मोटर के पास प्रमुख पत्रिकाएँ तो स्टॉक एक्सचेंज बंद कर दें। हाथों से लचीले हाथों से उधार लेना। बच्चों को लेबल के पास न चुनौती। छवि: फ्रीपिक अर्थ सही है या नहीं: कई निगमों में अर्थशास्त्र तो चल रहा है लेकिन उसका अर्थ सही नहीं है। यही सबसे बड़ा कारण है करंट लीक्स का। अगर लिनक्स छूते समय शॉक शॉक महसूस हो तो तुरंत सावधान हो जाएं। छवि: एआई सही अर्थ के लिए इलेक्ट्रीशियन से जांच करवाएं। थ्री-पिन प्लांट का प्रयोग करें। बिजली का बिलबोर्ड अपग्रेड हो तो तुरंत छूट। छवि: फ्रीपिक चॉकलेट को हमेशा जगह-जगह पर सुखाया जाता है। सफाई समय सारिणी न निकालें। लंबे समय तक इस्तेमाल नहीं किया गया तो स्टॉक एक्सचेंज बंद कर दिया गया। स्थानीय और ख़राब गुणवत्ता वाले घटकों से सुसज्जित। छवि: एआई गर्मी में राहत देने वाला लैपटॉप अगर सही तरीके से इस्तेमाल न किया जाए तो बड़ा खतरा हो सकता है। इसलिए समय-समय पर उसकी वायरिंग, मोटर और अर्थिंग की जांच जरूर करवाएं। छवि: एआई थोड़ी सी सावधानी आपको बड़े हादसे से बचा सकती है। इसलिए नामांकित सभी युक्तियों को ध्यान में रखते हुए ही ग्लूकोज का प्रयोग करें। छवि: एआई

हर वक्त पानी पीना समझते हैं फायदेमंद? डॉक्टर ने बताया कब यही आदत पहुंचा सकती है बड़ा नुकसान

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X हर वक्त पानी पीना समझते हैं फायदेमंद? जानें कब यही आदत पहुंचा सकती है नुकसान   Health Tips: गर्मियों के मौसम में शरीर को हाइड्रेटेड रखना बेहद जरूरी है, लेकिन देहरादून के आयुर्वेद विशेषज्ञ डॉ. सिराज सिद्दीकी के अनुसार जरूरत से ज्यादा पानी पीना सेहत के लिए उतना ही नुकसानदेह हो सकता है जितना कि कम पीना. पानी की सही मात्रा व्यक्ति की उम्र और वजन पर निर्भर करती है. जैसे 9 से 13 साल के बच्चों को लगभग 2 लीटर और वयस्कों को अपने वजन के प्रति किलोग्राम पर 30 से 35 मिलीलीटर पानी पीना चाहिए (उदाहरण के तौर पर 40 किलो वजन पर 2 लीटर और 80 किलो पर 3 लीटर). यदि हम अपनी शारीरिक जरूरत से अधिक पानी पीते हैं, तो इससे किडनी पर काम का अतिरिक्त दबाव बढ़ जाता है, जिससे वह शरीर से टॉक्सिन्स को प्रभावी ढंग से बाहर नहीं निकाल पाती. इसका सबसे गंभीर परिणाम हाइपोनेट्रेमिया के रूप में सामने आ सकता है, जिसमें खून में पानी अधिक होने से सोडियम का स्तर खतरनाक रूप से गिर जाता है और शरीर की कोशिकाओं में सूजन आने लगती है, जो मस्तिष्क और अन्य अंगों के लिए जानलेवा हो सकती है. इसलिए स्वस्थ रहने के लिए हमेशा सही नियम और सही मात्रा में ही पानी का सेवन करना चाहिए. न्यूज़18 को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें।

आम की तासीर ठंडी होती है या गर्म, गर्मियों के मौसम में किस तरह करें सेवन, एक्सपर्ट ने बताया

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Last Updated:May 07, 2026, 21:13 IST Mango Benefits and Side Effects: आम गर्मियों का फल है और इसका स्वाद सभी लोगों को खूब भाता है. हेल्थ एक्सपर्ट्स के अनुसार आम की तासीर गर्म होती है. इसे सीमित मात्रा और पानी में भिगोकर खाना बेहतर माना जाता है. सही तरीके से सेवन करने पर आम गर्मियों में भी सेहत के लिए फायदेमंद हो सकता है. आम की तासीर गर्म होती है, लेकिन पानी में भिगोकर रोज 1-2 आम खाना सेफ है. Right Way To Eat Mango in Summer: गर्मियों का मौसम आते ही बाजार में आम की भरमार हो जाती है. यह गर्मियों में सबसे ज्यादा खाया जाने वाला फल है. आम का रसीला स्वाद हर उम्र के लोगों को पसंद आता है. आम में कई पोषक तत्व होते हैं, जो इसे सेहत के लिए भी फायदेमंद बनाते हैं. आम को लेकर एक सवाल अक्सर लोगों के मन में रहता है कि आम की तासीर ठंडी होती है या गर्म? कई लोग मानते हैं कि ज्यादा आम खाने से शरीर में गर्मी बढ़ जाती है, जबकि कुछ इसे सेहत के लिए बेहद फायदेमंद बताते हैं. इस बारे में एक्सपर्ट से हकीकत जानने की कोशिश करते हैं. नोएडा के डाइट मंत्रा क्लीनिक की फाउंडर और डाइटिशियन कामिनी सिन्हा ने News18 को बताया आम में नेचुरल शुगर, फाइबर, विटामिन A, विटामिन C और कई एंटीऑक्सीडेंट पाए जाते हैं, जो शरीर को एनर्जी देने के साथ इम्यूनिटी मजबूत करने में मदद करते हैं. हालांकि आम की तासीर गर्म होती है और इस वजह से इसका सेवन सीमित मात्रा में ही करना चाहिए. कुछ लोगों को ज्यादा आम खाने पर मुंह में छाले, पिंपल्स, पेट में गर्मी या अपच जैसी समस्याएं हो सकती हैं. जिन लोगों का शरीर जल्दी गर्म हो जाता है, उन्हें आम को लेकर सावधानी बरतने की जरूरत होती है. डाइटिशियन ने बताया कि आम खाने का सबसे अच्छा तरीका है कि इसे खाने से पहले कुछ देर पानी में भिगो दिया जाए. माना जाता है कि 20 से 30 मिनट तक पानी में रखने से आम की गर्मी कम हो सकती है. इससे आम पर मौजूद धूल या केमिकल भी साफ हो जाते हैं. यही वजह है कि पुराने समय से लोग आम को पानी में भिगोकर खाने की सलाह देते आए हैं. गर्मियों में आम का सेवन सीमित मात्रा में करना बेहतर माना जाता है. एक दिन में 1-2 आम खाना सामान्य रूप से सुरक्षित माना जाता है. एक्सपर्ट की मानें तो आम को सही तरीके से खाने पर यह शरीर को कई फायदे भी देता है. यह शरीर को ऊर्जा देता है, पाचन में मदद करता है और त्वचा के लिए भी फायदेमंद माना जाता है. आम के साथ पर्याप्त पानी पीना और संतुलित डाइट लेना भी जरूरी है, ताकि शरीर में गर्मी का संतुलन बना रहे. आम मीठा होता है, जिसकी वजह से डायबिटीज के मरीजों को इसका सेवन बेहद कम मात्रा में करना चाहिए. अगर शुगर लेवल अनकंट्रोल है, तब आम अवॉइड करें. सेहत, रिलेशनशिप, लाइफ या धर्म-ज्योतिष से जुड़ी है कोई निजी उलझन तो हमें करें WhatsApp, आपका नाम गोपनीय रखकर देंगे जानकारी. About the Author अमित उपाध्याय अमित उपाध्याय News18 हिंदी की लाइफस्टाइल टीम के अनुभवी पत्रकार हैं, जिनके पास प्रिंट और डिजिटल मीडिया में 9 वर्षों से अधिक का अनुभव है। वे हेल्थ, वेलनेस और लाइफस्टाइल से जुड़ी रिसर्च-बेस्ड और डॉक्टर्स के इंटरव्…और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें

क्लासरूम में ग्रिल गिरने से छठी क्लास के छात्र की:डिस्ट्रिक्ट एजुकेशन ऑफिसर ने लापारवाही मानी, प्रिंसिपल को सस्पेंड किया

क्लासरूम में ग्रिल गिरने से छठी क्लास के छात्र की:डिस्ट्रिक्ट एजुकेशन ऑफिसर ने लापारवाही मानी, प्रिंसिपल को सस्पेंड किया

बिहार के बेगूसराय में एक सरकारी स्कूल के भीतर हुई लापरवाही ने 12 साल के छात्र की जान ले ली। ये 6 मई को बिहार के अरवा गांव के जहानपुर सेकेंडरी स्कूल की घटना है। क्लासरूम में लोहे की ग्रिलों का ढेर गिरने से छठी क्लास के छात्र विवान राज उर्फ मुन्ना की मौके पर ही जान चली गई। पेन उठाने झुका तभी ग्रिल ढह गईं जानकारी के मुताबिक, लंच-ब्रेक के दौरान स्कूल के बरामदे में काफी भीड़ थी। भीड़ से बचने के लिए विवान पास के एक क्लासरूम में चला गया, जहां साइंस लैब बनाने के लिए लोहे की भारी ग्रिलें रखी गई थीं। इसी दौरान उसका पेन ग्रिलों के पास गिर गया। जैसे ही वह पेन उठाने के लिए झुका, ग्रिलों का पूरा ढेर अचानक उस पर गिर पड़ा। नुकीली ग्रिलें उसके सिर में धंस गईं और मौके पर ही उसकी मौत हो गई। घटना के बाद टीचर्स मौके से भागे घटना के बाद स्कूल परिसर में अफरा-तफरी मच गई। खबर फैलते ही ग्रामीणों में गुस्सा भड़क उठा। स्कूल पहुंचकर ग्रामीणों ने स्कूल का घेराव किया। हालात बिगड़ता देख कई टीचर्स मौके से भाग गए। आरोप है कि गुस्साए लोगों ने स्कूल के हेडमास्टर अमित कुमार और कंप्यूटर टीचर अवनीश कुमार को घेर लिया और उनके साथ मारपीट भी की। लोगों ने छात्र का शव सड़क पर रखकर प्रदर्शन किया मामले की सूचना मिलते ही बछवाड़ा थाना पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन भीड़ को काबू करने के लिए तेघड़ा और भगवानपुर थाने से अतिरिक्त पुलिस बल बुलाना पड़ा। गुस्साए लोगों ने छात्र का शव सड़क पर रखकर कई घंटों तक जाम रखा। बाद में प्रशासनिक अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर परिजनों और ग्रामीणों को कार्रवाई और मुआवजे का भरोसा दिया, तब जाकर प्रदर्शन खत्म हुआ। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। लापरवाही के लिए स्कूल प्रिंसिपल को सस्पेंड किया जिला प्रशासन ने मामले को गंभीर मानते हुए कार्रवाई शुरू कर दी है। शुरुआती जांच में स्कूल प्रशासन की लापरवाही सामने आई है। इसके बाद बेगुसराय के डिस्ट्रिक्ट एजुकेशन ऑफिसर मनोज कुमार ने स्कूल प्रिंसिपल अमित कुमार को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया गया है और विभागीय कार्रवाई शुरू कर दी गई है। ———————– ये खबर भी पढ़ें… NIT कुरुक्षेत्र में 2 महीने में 4 स्‍टूडेंट्स का सुसाइड:कॉलेज ने एग्‍जाम तक छुट्टी घोषित की, प्रोफेसर कहते हैं-कैंपस से बाहर जाकर सुसाइड करो NIT कुरुक्षेत्र में 2 महीने में 4 कॉलेज स्टूडेंट्स की सुसाइड से मौत हो गई। ये नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी यानी NIT कुरुक्षेत्र में 16 फरवरी से 16 अप्रैल तक में हुई मौतों का आंकड़ा है। इन 4 स्टूडेंट्स ने या तो एकेडमिक या फिर फाइनेंशियल प्रेशर की वजह से अपनी जान दी। पूरी खबर पढ़ें…