जालंधर में BSF हेडक्वार्टर के बाहर IED ब्लास्ट, VIDEO:खालिस्तानियों ने जिम्मेदारी ली; देर रात अमृतसर में आर्मी कैंप पर भी ग्रेनेड अटैक

जालंधर में BSF हेडक्वार्टर के सामने मंगलवार रात धमाका हुआ। इसमें इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस (IED) के इस्तेमाल की बात कही जा रही है। गनीमत रही कि धमाके में किसी को चोट नहीं लगी। इस ब्लास्ट का वीडियो भी सामने आया है। वहीं, अमृतसर आर्मी कैंप पर भी ग्रेनेड फेंका गया। धमाके की जिम्मेदारी खालिस्तान लिबरेशन आर्मी (KLA) ने एक पोस्ट शेयर कर ली है। हालांकि, पुलिस इसकी पुष्टि नहीं कर रही। पोस्ट में लिखा है कि डीआईजी संदीप गोयल और उनका परिवार टारगेट पर है। इतना खून बहाएंगे कि सब कुछ लाल दिखाई देगा। अमृतसर में बॉर्डर रेंज के DIG संदीप गोयल ने गुरदासपुर के आदियां पुलिस चौकी में पुलिसकर्मियों की हत्या के आरोपी रणजीत सिंह का एनकाउंटर किया था। मार्च 2026 में हुए इस एनकाउंटर को खालिस्तानियों ने फेक करार दिया। इसके बाद से डीआईजी को धमाकों की चेतावनी मिल रही है। जालंधर में BSF हेडक्वार्टर के बाहर ब्लास्ट का VIDEO CM मान के दौरे से पहले वारदात जालंधर में पीएपी चौक के पास रात 7:57 बजे एक स्कूटी के पास धमाका हुआ। सूत्रों के मुताबिक एक संदिग्ध पीएपी चौक की ओर से रॉन्ग साइड से पैदल आता दिखा। वह सीधे उस स्थान तक पहुंचा, जहां फुटपाथ पर एक्टिवा खड़ी थी। युवक ने पॉलिथीन में लिपटा पैकेट वहां छोड़ा और बस अड्डे की ओर दौड़ लगा दी। इसके कुछ सेकेंड में धमाका हो गया। एजेंसियों को आशंका है कि संदिग्ध शख्स का साथी आगे इंतजार कर रहा था और वह किसी वाहन में बैठकर भाग गया। फोरेंसिक टीम को मौके से बम के फटे हिस्से मिले हैं। CM भगवंत मान जालंधर आने वाले हैं। उससे पहले यह वारदात हो गई। एजेंसियां जांच में जुट गई है। जालंधर में धमाका जिस एक्टिवा में हुआ, वह बीएसएफ के पूर्व जवान कश्मीर सिंह की है। उनका इकलौता बेटा गुरप्रीत सिंह कूरियर का काम करता है। वह रात को एक्टिवा खड़ी कर हेडक्वार्टर के अंदर पार्सल देने गया था। गुरप्रीत को पुलिस ने बीएसएफ हेडक्वार्टर से हिरासत में ले लिया है। आर्मी कैंप पर हमला, टीन शेड ढहा वहीं, अमृतसर में भी आर्मी कैंप खासा के बाहर भी मंगलवार रात करीब 11 बजे ग्रेनेड अटैक हुआ। SSP सोहेल मीर कासिम के मुताबिक प्राथमिक जांच में पता चला है कि बाइक पर सवार दो नकाबपोशों ने आर्मी कैंप की तरफ फेंका। दीवार के साथ लगते ही जोरदार धमाका हुआ। धमाके से चारदीवारी पर सेना क्षेत्र को कवर करने के लिए लगाया गया टीन शेड ढह गया। गेट नंबर 6 और 7 के बीच की दीवार को भी थोड़ा नुकसान हुआ है। धमाके की आवाज सुनते ही सैन्य अधिकारी और पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे और जांच शुरू की। DIG संदीप गोयल, जिनका परिवार खालिस्तानियों के निशाने पर… मामले में पल-पल के अपडेट्स के लिए नीचे ब्लॉग से गुजर जाइए…
राहुल का कैच लेने के बाद गायकवाड ने बॉल चूमी:अकील हुसैन का मास्क सेलिब्रेशन, नूर से कैच ड्रॉप; दिल्ली-चेन्नई मैच के मोमेंट्स

चेन्नई सुपर किंग्स ने IPL में मंगलवार को दिल्ली कैपिटल्स को 8 विकेट से हराया। इस मैच की शुरुआत और अंत चौके के साथ हुआ। अरुण जेटली मैदान पर मैच की पहली बॉल पर पाथुम निसांका ने स्वीप करके चौका लगाया। तो कार्तिक शर्मा ने टी नटराजन की बॉल पर चौका लगाकर जीत दिलाई। चेन्नई के कप्तान ऋतुराज गायकवाड बॉल को चूमते नजर आए। उन्होंने डायरेक्ट थ्रो पर आशुतोष शर्मा को रनआउट भी किया। दिल्ली के विकेटकीपर केएल राहुल ने उर्विल पटेल को स्टंप करके पवेलियन भेज दिया। मैच के टॉप मोमेंट्स 1. निसांका ने चौके से टीम का खाता खोला पाथुम निसांका ने पहले ओवर की पहली बॉल पर चौका लगाकर दिल्ली का खाता खोला। उन्होंने अकील हुसैन की फुलर लेंथ बॉल पर घुटने के बल बैठकर शानदार स्वीप खेलते हुए गेंद को डाइव लगाते फील्डर के पास से बैकवर्ड स्क्वेयर लेग बाउंड्री तक पहुंचा दिया। 2. राहुल का कैच लेने के बाद ऋतुराज ने बॉल को चूमा छठे ओवर की पहली बॉल पर ऋतुराज गायकवाड ने अकिल हुसैन की बॉल पर केएल राहुल का कैच पकड़ा। उन्होंने कैच लेने के बाद बॉल को चूम लिया। दूसरी ओर गेंदबाज हुसैन ने राहुल के विकेट पर मास्क सेलिब्रेशन किया। ऑफ स्टंप के बाहर फ्लाइटेड गेंद पर राहुल आगे बढ़कर कवर के ऊपर शॉट खेलने गए। लेकिन, गेंद पिच पर रुक गई और टाइमिंग बिगड़ गई। गेंद हवा में चली गई, जहां रुतुराज गायकवाड़ ने आसान कैच लपक लिया। राहुल 12 रन बनाकर आउट हुए। 3. राणा का चौका, नूर ने अगली बॉल आउट किया 10वें ओवर की दूसरी बॉल पर नीतीश राणा ने नूर अहमद की बॉल पर चौका लगाया। अगली बॉल पर नूर ने राणा को कार्तिक शर्मा के हाथों कैच कराया और पवेलियन भेज दिया। शॉर्ट गेंद पर राणा घुटने के बल बैठकर स्वीप खेलने गए। लेकिन शॉट हवा में चला गया और डीप बैकवर्ड स्क्वेयर लेग पर कार्तिक शर्मा ने आसान कैच पकड़ लिया। राणा ने निराश होकर बल्ला हवा में उछाला और पवेलियन की ओर लौट पड़े। दूसरी ओर नूर अहमद, कार्तिक शर्मा सहित चेन्नई के खिलाड़ी जश्न मनाने लग गए। 4. नूर अहमद से स्टब्स का कैच छूटा 11वें ओवर की पहली बॉल पर नूर अहमद से ट्रिस्टन स्टब्स का कैच ड्रॉप हो गया। गुरजपनीत सिंह की बॉल पर स्टब्स ने कवर में शॉर्ट खेला। नूर ने अपने दाईं ओर डाइव लगाई, लेकिन गेंद हाथ में नहीं टिक सकी। स्टब्स ने अप के साथ जोरदार ड्राइव खेला था, जो सीधे फील्डर के पास गया। आसान मौका होने के बावजूद कैच छूट गया और स्टब्स को जीवनदान मिल गया। 5. 19वें ओवर में रिजवी को जीवनदार, ओवर्टन-गायकवाड से कैच छूटा 19वें ओवर में समीर रिजवी को जीवनदान मिला। जैमी ओवर्टन की फुल लेंथ गेंद पर रिजवी ने फ्लिक करने की कोशिश की, लेकिन बैट का टॉप एज लग गया। गेंद हवा में काफी ऊंची गई और बॉलर व मिड-ऑन के बीच गिर रही थी। ओवर्टन और रुतुराज गायकवाड़ दोनों ही कैच के लिए आए, लेकिन आपसी कन्फ्यूजन में कोई भी कैच नहीं ले पाया। 6. गायकवाड के डायरेक्ट थ्रो पर आशुतोष रनआउट 20वें ओवर में ऋतुराज गायकवाड के डायरेक्ट थ्रो पर आशुतोष शर्मा रनआउट हो गए। गेंद पिच पर लगकर उछली, जिस पर गेंदआज अंशुल कम्बोज ने हल्का-सा हाथ लगाया। गेंद गायकवाड़ के पास गई, जिन्होंने मिड-ऑन से सीधे बॉलर एंड पर डायरेक्ट हिट कर दिया। रिस्की रन लेने की कोशिश में आशुतोष क्रीज से बाहर रह गए और रन आउट हो गए। 7. आशुतोष से उर्विल का कैच छूटा, अगली दो बॉल पर सिक्स चेन्नई की पारी के छठे ओवर में आशुतोष शर्मा ने उर्विल पटेल का कैच ड्रॉप कर दिया। उर्विल ने गेंद को काफी ऊंचा मारा, लेकिन दूरी नहीं मिल पाई। डीप मिडविकेट से आशुतोष बाईं ओर भागते हुए लॉन्ग-ऑन की तरफ आए और डाइव भी लगाई। वे कैच तक नहीं पहुंच सके। जीवनदान मिलने के बाद उर्विल पटेल ने एनगिडी की अगली बॉल पर बॉल लगातार दो छक्के लगा दिए। जब कैच छूटा, तब उर्विल 5 रन खेल रहे थे। 8. केएल राहुल ने उर्विल को स्टंप किया 7वें ओवर की तीसरी बॉल पर विकेटकीपर केएल राहुल ने अक्षर पटेल की बॉल पर उर्विल पटेल को स्टंप कर दिया। उर्विल जल्दी आगे निकल गए, जिसे भांपकर अक्षर ने लेंथ छोटी रखी और गेंद तेजी से टर्न कराई। गेंद बैट के बाहरी किनारे को बीट कर गई। उर्विल का पैर क्रीज से बाहर था और हवा में था, तभी राहुल ने फुर्ती दिखाकर तुरंत बेल्स गिरा दीं। 9. कार्तिक के चौके से जीती चेन्नई 18वें ओवर तीसरी बॉल पर कार्तिक शर्मा ने नटराजन की गेंद पर चौका लगाया और चेन्नई को जीत दिला दी। उन्होंने शॉर्ट ऑफ लेंथ गेंद पर शॉर्ट-आर्म पुल खेला, गेंद मिड-ऑन के बाईं ओर से निकलते हुए तेजी से बाउंड्री तक पहुंच गई। ——————————————— IPL से जुड़ी यह खबर भी पढ़िए… IPL में चेन्नई ने दिल्ली को 8 विकेट से हराया, सैमसन की फिफ्टी चेन्नई सुपर किंग्स ने IPL के मौजूदा सीजन में लगातार दूसरी जीत दर्ज की। टीम ने मंगलवार को खेले गए मैच में दिल्ली कैपिटल्स को 8 विकेट से हराया। अरुण जेटली मैदान पर दिल्ली ने टॉस जीतकर बैटिंग करते हुए 20 ओवर में 6 विकेट के नुकसान पर 155 रन बनाए। चेन्नई ने 156 रन का टारगेट 17.3 ओवर में 2 विकेट पर हासिल कर लिया। पढ़ें पूरी खबर
बिड़ला बने वोडाफोन-आइडिया के चेयरमैन:सरकार ने AGR बकाया 27% कम किया; अब ₹64,046 करोड़ देना होगा

वोडाफोन-आइडिया (Vi) के बोर्ड ने कुमार मंगलम बिड़ला को कंपनी का नॉन-एग्जीक्यूटिव चेयरमैन नियुक्त किया है। कंपनी ने 5 मई को स्टॉक एक्सचेंज को दी जानकारी में बताया कि वर्तमान चेयरमैन रविंद्र टक्कर ने पद छोड़ने की इच्छा जताई थी, जिसे स्वीकार कर लिया गया है। रविंद्र टक्कर अब बोर्ड में केवल नॉन-एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर की भूमिका में रहेंगे। बिड़ला की यह नियुक्ति ऐसे समय में हुई है, जब कंपनी को सरकार से बड़ी वित्तीय राहत मिली है। हाल ही में टेलीकॉम विभाग (DoT) ने वोडाफोन-आइडिया के एडजस्टेड ग्रॉस रेवेन्यू (AGR) बकाए में करीब 20,000 करोड़ रुपए की कटौती की है। इस खबर के बाद कंपनी के शेयर करीब 8% चढ़ चुके हैं। AGR बकाया: ₹87,695 करोड़ से घटकर ₹64,046 करोड़ हुआ सरकार ने वोडाफोन-आइडिया को बड़ी राहत देते हुए उसके AGR बकाए में 27% की कमी की है। पिछले साल दिसंबर तक यह बकाया 87,695 करोड़ रुपए था, जिसे अब घटाकर 64,046 करोड़ रुपए कर दिया गया है। टेलीकॉम विभाग की एक कमेटी ने बकाए की गणना का दोबारा आकलन किया, जिसके बाद यह फैसला लिया गया। 5 साल तक कोई पैसा नहीं देना होगा, 2031 से शुरू होगी वसूली सरकार ने न सिर्फ बकाया कम किया है, बल्कि पेमेंट के लिए 5 साल की राहत (मोरेटोरियम) भी दी है। नया पेमेंट शेड्यूल इस प्रकार है: सुप्रीम कोर्ट और सरकार का रुख यह राहत 31 दिसंबर को कैबिनेट द्वारा मंजूर किए गए रिलीफ पैकेज और उसके बाद सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद मिली है। कोर्ट ने सरकार को ब्याज, पेनाल्टी और बकाए का दोबारा आकलन करने की अनुमति दी थी। बता दें कि वोडाफोन-आइडिया में भारत सरकार की 49% हिस्सेदारी है, जो इसे कंपनी का सबसे बड़ा शेयरधारक बनाती है। AGR विवाद: 2019 से चल रही है कानूनी लड़ाई AGR विवाद 2019 में शुरू हुआ था, जब सुप्रीम कोर्ट ने आदेश दिया था कि टेलीकॉम कंपनियों को गैर-टेलीकॉम रेवेन्यू पर भी सरकार को लाइसेंस फीस देनी होगी। उस समय सरकारी गणना में Vi का बकाया 58,254 करोड़ रुपए था, जबकि कंपनी इसे 21,500 करोड़ रुपए बता रही थी। लंबी कानूनी प्रक्रिया के बाद 2025 में कोर्ट ने क्यूरेटिव पिटीशन पर सुनवाई करते हुए सरकार को दोबारा गणना करने की छूट दी थी।
‘बैकस्टैबर्स’: डीएमके पोस्ट ने भौंहें चढ़ा दीं क्योंकि कांग्रेस सरकार बनाने के लिए टीवीके को समर्थन देने पर विचार कर रही है | भारत समाचार

आखरी अपडेट:05 मई, 2026, 22:21 IST सोशल मीडिया पर डीएमके नेता की गूढ़ “बैकस्टैबर्स” पोस्ट ने कांग्रेस द्वारा टीवीके प्रमुख विजय के समर्थन पर विचार करने की खबरों के बीच अटकलों को जन्म दे दिया। राहुल गांधी ने सोमवार को विजय को फोन कर तमिलनाडु के नतीजों पर बधाई दी है. (छवि: पीटीआई) तमिलनाडु में अगली सरकार बनाने के लिए कांग्रेस द्वारा संभवतः टीवीके प्रमुख विजय को समर्थन देने की राजनीतिक अटकलों के बीच सोशल मीडिया पर एक द्रमुक नेता की गुप्त “बैकस्टैबर्स” पोस्ट ने विवाद खड़ा कर दिया है। डीएमके के प्रवक्ता सरवनन अन्नादुरई ने एक्स पर सिर्फ दो शब्द पोस्ट किए – “द बैकस्टैबर्स” – इसके तुरंत बाद कांग्रेस ने मंगलवार को कहा कि टीवीके ने राज्य में सरकार बनाने के लिए समर्थन मांगने के लिए उससे संपर्क किया था। पीठ में छुरा घोंपने वाले।- सरवनन अन्नादुरई (@saravofcl) 5 मई 2026 पोस्ट ने तब से ध्यान आकर्षित किया है, हालांकि यह स्पष्ट नहीं है कि यह कांग्रेस या अन्य राजनीतिक खिलाड़ियों पर निर्देशित था। कांग्रेस ने पहले कहा था कि उसके केंद्रीय नेतृत्व ने तमिलनाडु इकाई से “राज्य की भावनाओं” को ध्यान में रखते हुए टीवीके के अनुरोध पर अंतिम निर्णय लेने के लिए कहा था। इसने यह भी दोहराया कि तमिलनाडु में जनादेश एक धर्मनिरपेक्ष सरकार के लिए था और वह सरकार गठन में भाजपा या उसके सहयोगियों की किसी भी भूमिका का विरोध करेगी। पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी और तमिलनाडु प्रभारी गिरीश चोडनकर सहित शीर्ष कांग्रेस नेताओं ने चुनाव के बाद के परिदृश्य पर चर्चा के लिए मंगलवार शाम दिल्ली में एक बैठक की। बैठक के बाद, कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल ने कहा कि टीवीके प्रमुख विजय ने औपचारिक रूप से पार्टी का समर्थन मांगा था और अपने राजनीतिक दृष्टिकोण में पूर्व मुख्यमंत्री के कामराज से प्रेरणा लेने की बात भी कही थी। उन्होंने कहा कि नेतृत्व ने अंतिम निर्णय राज्य इकाई पर छोड़ दिया है। टीवीके ने 234 सदस्यीय विधानसभा में 108 सीटें जीतीं लेकिन बहुमत से पीछे रह गई। सरकार बनाने के लिए अब उसे कम से कम 10 विधायकों के समर्थन की जरूरत है। कांग्रेस के पास पांच सीटें हैं, जबकि छोटी पार्टियों के पास सीमित संख्या है। डीएमके, जो चुनाव के दौरान कांग्रेस की सहयोगी थी, ने 59 सीटें जीतीं, जबकि एआईएडीएमके ने 47 सीटें हासिल कीं। भाजपा ने सिर्फ एक सीट जीती। (एजेंसियों से इनपुट के साथ) चुनी हुई कहानियाँ, आपके इनबॉक्स में हमारी सर्वोत्तम पत्रकारिता वाला एक न्यूज़लेटर जमा करना जगह : तमिलनाडु, भारत, भारत न्यूज़ इंडिया ‘पीठ में छुरा घोंपने वाले’: द्रमुक की पोस्ट से भौंहें तन गईं क्योंकि कांग्रेस सरकार बनाने के लिए टीवीके को समर्थन देने पर विचार कर रही है अस्वीकरण: टिप्पणियाँ उपयोगकर्ताओं के विचार दर्शाती हैं, News18 के नहीं। कृपया चर्चाएँ सम्मानजनक और रचनात्मक रखें। अपमानजनक, मानहानिकारक, या अवैध टिप्पणियाँ हटा दी जाएंगी। News18 अपने विवेक से किसी भी टिप्पणी को अक्षम कर सकता है. पोस्ट करके, आप हमारी उपयोग की शर्तों और गोपनीयता नीति से सहमत होते हैं। और पढ़ें (टैग्सटूट्रांसलेट)तमिलनाडु राजनीतिक विवाद(टी)डीएमके नेता पोस्ट(टी)पीठ में छुरा घोंपने वालों का ट्वीट(टी)कांग्रेस टीवीके समर्थन(टी)विजय टीवीके प्रमुख(टी)तमिलनाडु सरकार गठन(टी)सरवनन अन्नादुरई एक्स(टी)धर्मनिरपेक्ष सरकार जनादेश
बंगाल-असम में आकर्षण के पक्ष में क्यों उठी इतनी जबरदस्त वोटिंग? हिमंता विश्व सरमा ने बताई ये बड़ी वजह

विधानसभा चुनाव परिणाम 2026: हिमंत बिस्वा सरमा ने कहा कि उनकी सरकार के “आदिग रुख” और विकास कार्यों के खिलाफ बांग्लादेशी मूल के आदिवासियों ने असम विधानसभा चुनाव में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) को दो-तिहाई बहुमत गठबंधन में अहम भूमिका निभाई है। मंगलवार को पत्रकार सम्मेलन में उन्होंने कहा कि यह असम के “मूल निवासियों की जीत” है और राज्य में विकास की किताब आगे भी जारी रहेगी। उन्होंने “डबल इंजन” सरकार और पिछले पांच वर्षों में विकास को जीत का बड़ा कारण बताया। अवलोकन के पक्ष में बढ़ा विश्वास शर्मा के अनुसार, उनकी सरकार ने असमिया “जाति” (समुदाय) की सुरक्षा का जो वादा किया था, उसे पूरा करने के लिए ठोस कदम उठाए, जिससे सांस्कृतिक और आर्थिक प्रगति हुई। उन्होंने यह भी कहा कि बांग्लादेशी मूल के नृत्यांगना के अंक में उनके कठोर रुख का प्रभाव प्रभावित हुआ। 126 कोलोराडो विधानसभा में राजग ने 102 कलाकारों की टुकड़ी को तीसरी बार सत्ता हासिल की, जिसमें भारतीय जनता पार्टी को 82 अवशेष मिले, जबकि सहयोगी ऑर्केस्ट्रा ने भी अच्छा प्रदर्शन किया। सभी दोस्तों का दल समर्थन करता है मुख्यमंत्री ने दावा किया कि “जेन जेड” ने सभी कलाकारों के साथ मिलकर बीजेपी का समर्थन किया है, जो युवा पार्टी की जीत से स्पष्ट है। उन्होंने साथ ही कहा कि असम की पहचान विविधता से बनी है और लोगों की पहचान को लेकर विवाद खड़ा होना गलत है। उन्होंने भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस पर भी जोरदार कटाक्ष करते हुए कहा कि पार्टी में ऐसे नेता कम हैं जो असम की जनता के प्रति भावना रखते हैं, यही उनके खराब प्रदर्शन का कारण बन रहे हैं। भाजपा को वोट शेयर में विभाजित करें इलेक्ट्रॉनिक्स आयोग के आंकड़ों के विश्लेषण से यह स्पष्ट होता है कि असम विधानसभा चुनाव में वोट प्रतिशत में छोटे-छोटे बदलाव करके विधानसभा के नतीजों पर बड़ा असर डाला गया है। भारतीय जनता पार्टी को इस बार 37.81 प्रतिशत वोट मिले, जो 2021 के 33.21 प्रतिशत की तुलना में 4.6 प्रतिशत अधिक है। इस किराने का सामान विक्रय पैकेज में देखने को मिला और पार्टी ने 60 ली से 82 पुस्तकालय जीते, यानि 22 पुस्तकालय का खंड हुआ। इसके विपरीत, भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की स्थिति दिलचस्प रही। उनका वोट शेयर मामूली रूप से 29.67 प्रतिशत से बढ़कर 29.84 प्रतिशत हो गया, लेकिन इसके बावजूद उनकी बढ़त 29 से बढ़कर 19 प्रतिशत हो गई। इसमें बताया गया है कि केवल वोट प्रतिशत ही नहीं, बल्कि वोटों का वितरण और क्षेत्रीय प्रभाव भी वोटों में अंतिम भूमिका बताया गया है। वहीं, राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) ने कुल 102 लास्केट 126 लाकेसी विधानसभा में दो-तिहाई बहुमत हासिल किया है, जो अब तक अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कर चुका है और बहुमत के 64 नतीजों के आंकड़ों से काफी आगे है। यह चुनाव इस बात का उदाहरण है कि लगातार वोटों से भी पार्टी में बड़े बदलाव हो सकते हैं, खासकर तब जब मुकाबला कई हिस्सों में हो। ये भी पढ़ें: बोलीं सीएम पद से नहीं निकलीं तो संबित पात्रा ने टॉम की याद दिला दी क्या कहा?
असम-बंगाल में कांग्रेस के 21 में से 20 विधायक मुस्लिम:AIUDF बोली- कांग्रेस अब 'मुस्लिम लीग' बनी; भाजपा ने एक भी मुस्लिम को टिकट नहीं दिया था

पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों में मुस्लिम सीटों पर सबसे अलग ट्रेंड बंगाल में दिखा। यहां 142 मुस्लिम सीटों में से भाजपा ने 72, टीएमसी ने 64 सीटें और कांग्रेस को 2 सीटें मिलीं। वहीं, असम की 22 मुस्लिम बहुल सीटों पर कांग्रेस को 18, AIUDF को 2 सीटें मिलीं। केरलम की 44 मुस्लिम बहुल सीटों में IUML को 21 और कांग्रेस को 14 सीटें मिलीं। केरलम में कांग्रेस ने 114 सीटों पर चुनाव लड़ा, इसमें 63 सीटें मिलीं। यहां उसके 8 मुस्लिम उम्मीदवार चुनाव जीते हैं। कांग्रेस ने बंगाल और असम में कुल 390 सीटों पर चुनाव लड़ा। 21 सीटों पर जीत दर्ज की, इनमें से 20 मुस्लिम विधायक हैं। इधर भाजपा ने एक भी मुस्लिम उम्मीवार को टिकट नहीं दिया। AIUDF के नेता बदरुद्दीन अजमल ने तंज कसते हुए कहा- ‘असम में कांग्रेस अब मुस्लिम लीग बन चुकी है।’ पहले AIUDF का कांग्रेस के साथ गठबंधन था। असम में कांग्रेस के 20 में से 18 मुस्लिम उम्मीदवार चुनाव जीते बंगाल में कांग्रेस ने TMC से ज्यादा मुसलमानों को टिकट दिया पश्चिम बंगाल में कांग्रेस ने 63 मुस्लिम उम्मीदवारों को टिकट दिया। वहीं, 15 साल से शासन कर रही TMC ने 47 मुस्लिम कैंडिडेट्स उतारे। कांग्रेस ने 2021 में भी 94 सीटों पर मुस्लिम उम्मीदवार उतारे थे। असम की कई सीटों पर कांग्रेस और उसके सहयोगियों के मुस्लिम उम्मीदवारों की जीत की दर 80 प्रतिशत से भी ज्यादा रही है। कई सीटों पर तो कांग्रेस उम्मीदवारों ने 1 लाख से भी ज्यादा वोटों के अंतर से जीत हासिल की है। पांचों राज्यों के रिजल्ट… ——————————————————– ये खबर भी पढ़ें… बंगाल- 10 साल में भाजपा 3 से 207 पर पहुंची:तमिलनाडु में विजय की 2 साल पुरानी पार्टी जीती; केरलम में कांग्रेस, असम में भाजपा सरकार पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव के रिजल्ट सोमवार को आए। पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु और केरलम में सरकारें बदल गईं। असम और पुडुचेरी में एनडीए ने वापसी की। बंगाल में TMC को हराकर भाजपा पहली बार सत्ता में आई। पार्टी दस साल में 3 सीटों से 207 सीटों पर पहुंच गई है। पूरी खबर पढ़ें…
असम-बंगाल में कांग्रेस के 21 में से 20 विधायक मुस्लिम:AIUDF बोली- कांग्रेस 'मुस्लिम लीग' बनी; भाजपा ने किसी मुस्लिम को टिकट नहीं दिया था

पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों में मुस्लिम सीटों पर सबसे अलग ट्रेंड बंगाल में दिखा। यहां 142 मुस्लिम सीटों में से भाजपा ने 72, टीएमसी ने 64 सीटें और कांग्रेस को 2 सीटें मिलीं। वहीं, असम की 22 मुस्लिम बहुल सीटों पर कांग्रेस को 18, AIUDF को 2 सीटें मिलीं। केरलम की 44 मुस्लिम बहुल सीटों में IUML को 21 और कांग्रेस को 14 सीटें मिलीं। केरलम में कांग्रेस ने 114 सीटों पर चुनाव लड़ा, इसमें 63 सीटें मिलीं। यहां उसके 8 मुस्लिम उम्मीदवार चुनाव जीते हैं। कांग्रेस ने बंगाल और असम में कुल 390 सीटों पर चुनाव लड़ा। 21 सीटों पर जीत दर्ज की, इनमें से 20 मुस्लिम विधायक हैं। इधर भाजपा ने एक भी मुस्लिम उम्मीवार को टिकट नहीं दिया। AIUDF के नेता बदरुद्दीन अजमल ने तंज कसते हुए कहा- ‘असम में कांग्रेस अब मुस्लिम लीग बन चुकी है।’ पहले AIUDF का कांग्रेस के साथ गठबंधन था। असम में कांग्रेस के 20 में से 18 मुस्लिम उम्मीदवार चुनाव जीते बंगाल में कांग्रेस ने TMC से ज्यादा मुसलमानों को टिकट दिया पश्चिम बंगाल में कांग्रेस ने 63 मुस्लिम उम्मीदवारों को टिकट दिया। वहीं, 15 साल से शासन कर रही TMC ने 47 मुस्लिम कैंडिडेट्स उतारे। कांग्रेस ने 2021 में भी 94 सीटों पर मुस्लिम उम्मीदवार उतारे थे। असम की कई सीटों पर कांग्रेस और उसके सहयोगियों के मुस्लिम उम्मीदवारों की जीत की दर 80 प्रतिशत से भी ज्यादा रही है। कई सीटों पर तो कांग्रेस उम्मीदवारों ने 1 लाख से भी ज्यादा वोटों के अंतर से जीत हासिल की है। पांचों राज्यों के रिजल्ट… ——————————————————– ये खबर भी पढ़ें… बंगाल- 10 साल में भाजपा 3 से 207 पर पहुंची:तमिलनाडु में विजय की 2 साल पुरानी पार्टी जीती; केरलम में कांग्रेस, असम में भाजपा सरकार पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव के रिजल्ट सोमवार को आए। पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु और केरलम में सरकारें बदल गईं। असम और पुडुचेरी में एनडीए ने वापसी की। बंगाल में TMC को हराकर भाजपा पहली बार सत्ता में आई। पार्टी दस साल में 3 सीटों से 207 सीटों पर पहुंच गई है। पूरी खबर पढ़ें…
बीजेपी की जीत के बाद ममता बनर्जी ने इस्तीफा देने से किया इनकार | “चुनाव चोरी” का दावा पाखंडी?| पीतल के ढेर

ममता बनर्जी ने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने से इनकार कर दिया और दावा किया कि भाजपा ने चुनाव चुरा लिया। संवैधानिक बहसों के बीच, विशेषज्ञों का कहना है कि उनकी स्थिति अस्थिर है क्योंकि भाजपा सरकार बनाने की तैयारी कर रही है। कानूनी विकल्प कम होने से तनाव बढ़ता है। n18oc_politicsn18oc_ Indian18oc_brass-tacksNews18 मोबाइल ऐप – https://onelink.to/desc-youtube
ममता बोलीं सीएम पद से नहीं छूटीं वामपंथ तो संबित पात्रा ने कहा, ‘बाम की याद दिलाना क्या कहा।’

पश्चिम बंगाल चुनाव परिणाम 2026: पश्चिम बंगाल चुनाव में हार के बावजूद ममता बनर्जी ने पद छोड़ दिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि उनकी हार में प्रधानमंत्री, गृह मंत्री और चुनाव आयोग की भूमिका रही है। ममता बनर्जी ने स्पष्ट रूप से कहा कि वे लोकभवन से बाहर नहीं निकले, क्योंकि उनके अनुसार वे वास्तव में चुनाव हारे हुए नहीं हैं। उनके इस बयान की बीजेपी ने कड़ी आलोचना की है. बीजेपी नेता संबित पात्रा ने इसे मजेदार और मजेदार बताया। उन्होंने कहा कि भारत विश्व में लोकतंत्र के खिलाफ बना हुआ है और ऐसी धारणा संविधान की भावना है। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि अन्य नेताओं ने हार के बाद शांति छोड़ दी है, लेकिन ममता बनर्जी का रुख “एंटीलमेंट” से अलग है। संबित पात्रा ने सबसे कम्बम की याद दिलाई संबित पात्रा ने आगे कहा कि भारतीय लोकतंत्र में कोई भी नेता अप्रचलित नहीं है और यह सोच गलत है कि कोई भी व्यक्ति बिना सरकार के नहीं चल सकता। उन्होंने ममता बनर्जी के इस कथन पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि वे विधानसभा में शामिल नहीं हैं और कहा कि ऐसा अंतर ही अनुचित है। साथ ही, उन्होंने ‘इंडी अलायंस’ पर भी टिप्पणी करते हुए कहा कि यह सिर्फ एक गठबंधन है, जहां नेता एक-दूसरे के खिलाफ ही बचे रहते हैं। भाजपा नेता ने राज ममता बनर्जी के बयान को “अक” करार देते हुए कहा कि नैतिक नैतिकता का दावा अलग बात है, लेकिन आधिकारिक मूल्यों का सम्मान जरूरी है। उन्होंने जोर देकर कहा कि संविधान में स्पष्ट प्रावधान हैं और उसी के अनुसार सत्ता का हस्तांतरण होना चाहिए। उनके अनुसार, हार स्वीकारोक्ति को तानाशाही विचारधारा का हिस्सा और लोकतांत्रिक साम्य के खिलाफ स्वीकार नहीं करना चाहिए। ममता ने क्या-क्या लगाया आरोप? ममता बनर्जी ने पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में हार के बाद मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने को मंजूरी नहीं दी है। उन्होंने चुनावी नतीजों में ”जनादेश नहीं बल्कि एक साजिश” बताई और आरोप लगाया कि उनकी पार्टी समाजवादी पार्टी की हार किसी भी तरह से नहीं हुई। ममता बनर्जी ने कहा कि उन्हें छोड़े गए नेता की कोई जरूरत नहीं है, क्योंकि उनके अनुसार “हम हारे नहीं हैं, बल्कि स्कूटर की लूट हुई है।” उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव के दौरान और माध्यमिक प्रक्रिया में बड़े पैमाने पर नौकरियाँ गायब हो गईं। उनका दावा है कि लगभग 100 डिपॉजिट पर “लूट” ले लिया गया और डोनड वर्जन की गति धीमी हो गई। उन्होंने यह भी कहा कि उनकी लड़ाई भारतीय जनता पार्टी से नहीं, बल्कि इलेक्ट्रॉनिक्स कमीशन से थी, जो कथित तौर पर बीजेपी के पक्ष में काम कर रहे थे. चुनाव में भाजपा ने 294 रिजला विधानसभा क्षेत्र में 207 में स्पष्ट बहुमत हासिल किया और राज्य में 15 साल से चल रहे रिहायशी शासन का अंत कर दिया। इसके बावजूद ममता बनर्जी ने कहा कि वे इस पर विचार नहीं कर रहे हैं। लेबल परिवर्तन का संकेत देते हुए ममता बनर्जी ने अब राष्ट्रीय राजनीति पर ध्यान केंद्रित करने और ‘इंडिया’ गठबंधन को मजबूत करने की बात कही। उन्होंने कहा कि सोनिया गांधी, राहुल गांधी, अरविंद केजरीवाल, युसुव मुखर्जी, अखिलेश यादव और वैलेंटाइन सोरेन जैसे नेताओं ने अपने-अपने संपर्क कर समर्थकों का समर्थन किया है। साथ ही, उन्होंने आंदोलनकारी रुख अपनाने की घोषणा करते हुए कहा कि अब वह “सड़कों पर उतरकर लड़ाई लड़ेंगे।” उन्होंने चुनाव के बाद हुई हिंसा की जांच के लिए 10 जड़ी-बूटी समिति बनाने की भी घोषणा की और प्रभावित इलाकों का दौरा करने की बात कही. ये भी पढ़ें: ‘मैं हारी नहीं तो क्यों छोड़ दूं’, बंगाल रिजल्ट के बाद एडिन ममता बनर्जी, EC को बताया बड़ा विलेन
जीत के बाद टीवीके प्रमुख की पहली प्रतिक्रिया, पीएम के बाद राहुल गांधी ने की रिप्लाई, क्या कहा?

अभिनेता जोसेफ विजय के नेतृत्व वाली तमिलगा वेट्री कजगम (टीवीके) ने विधानसभा चुनाव में 108 सीटों पर जीत कर तमिलनाडु में सरकार बनाने का दावा पेश किया। टीवीके ने गवर्नर रिपब्लिक विश्वनाथ अर्लेकर से संपर्क किया और सरकार बनाने के अपने अधिकार का दावा करते हुए लॉर्ड्स में अपना बहुमत साबित करने के लिए दो सप्ताह का समय मांगा। इस बीच जोसेफ विजय ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और विपक्ष के नेता राहुल गांधी के बधाई संदेश पर प्रतिक्रिया दी है। टीवीके प्रमुख विजय ने ने मोदी को कहा धन्यवाद टीवीके को मिली इस प्रतिष्ठा पर मोदी ने टीवीके को बधाई और शुभकामनाएँ दीं, जिसके बाद विजय ने प्रधानमंत्री को बधाई दी। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पीएम मोदी की पोस्ट को रीपोस्ट करते हुए लिखा, ‘प्रधानमंत्री कार्यालय आपकी शुभकामनाओं के लिए धन्यवाद।’ हमारी जनता का कल्याण ही हमारा एकमात्र लक्ष्य है। राजनीति से ऊपर हम राज्य की प्रगति और तमिल जनता के कल्याण पर ध्यान केंद्रित करेंगे। इस प्रयास में हम केंद्र सरकार के सहयोग की आशा रखते हैं। इससे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने टीवीके को बधाई देते हुए कहा था कि तमिलनाडु विधानसभा चुनाव में उम्मीदवारों का समर्थन करने वाले तमिलनाडु के कांग्रेस के प्रति हार्दिक रैली हैं। उन्होंने कहा, ‘हम जनता की समस्याओं के समाधान और उनके जीवन स्तर को बेहतर बनाने में हमेशा अग्रणी बने रहेंगे।’ टीवीके को उनके शानदार प्रदर्शन के लिए बधाई। केंद्र सरकार तमिलनाडु की प्रगति और जनता के कल्याण के लिए हर संभव प्रयास करेगी।’ राहुल गांधी को लेकर क्या बोले राहुल गांधी? जोसेफ की विजय से बात की और टीवीके के शानदार वैभव के लिए उन्हें बधाई दी। अपने पोस्ट को रीपोस्ट करते हुए विजय ने लिखा, ‘लोकसभा में विपक्ष के नेताओं को उनके फोन पर कॉल और शुभकामनाओं के लिए मेरा हार्दिक धन्यवाद।’ हम लोगों की सेवा और अपने राज्य की सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करने के लिए साझीदारी, सामूहिक सहयोग की आवश्यकता है। राजनीति से ऊपर, हम तमिलों की जनता के कल्याण को प्राथमिकता देंगे।’ ये भी पढ़ें: टीवीके की सरकार तमिलनाडु में कैसे जाएगी? बहुमत से 10 मंजिल दूर विजय, सीएम की कुर्सी के ये हैं 3 स्थान (टैग्सटूट्रांसलेट)जोसेफ विजय(टी)टीवीके(टी)तमिलनाडु चुनाव परिणाम 2026(टी)पीएम मोदी(टी)राहुल गांधी(टी)टीवीके जोसेफ विजय न्यूज(टी)टीवीके विजय चुनाव परिणाम(टी)टीवीके विजय न्यूज(टी)तमिलनाडु विधान सभा(टी)जोसेफ विजय(टी)टीवीके पार्टी(टी)तमिलनाडु चुनाव परिणाम(टी)तमिलनाडु चुनाव परिणाम 2026






