धार हादसे में किसी ने बेटी खोई, किसी ने पत्नी:शादी तय होने के 3 दिन बाद युवती की मौत; बुजुर्ग बोले-अब पोता ही सहारा

मध्य प्रदेश के धार में टायर फटने से अनियंत्रित होकर पिकअप वाहन डिवाइडर पर चढ़कर पलट गया। वाहन ने 3-4 बार पलटी खाई। इस दौरान सड़क के दूसरी ओर जाकर स्कॉर्पियो से भी टकराया। बुधवार रात करीब साढ़े 8 बजे हुए हादसे में 16 लोगों की मौत हो गई, 13 घायल हैं। मृतकों में 6 बच्चे शामिल हैं। एक्सीडेंट में नयापुरा के 9, सेमलीपुरा के 5 और रामपुरा के 2 लोगों की मौत हुई है। जान गंवाने वालों में 5 बच्चे, 8 महिलाएं और 3 युवतियां शामिल हैं। सभी का अंतिम संस्कार गुरुवार सुबह किया गया। 4 महिलाओं के शवों को एक ही चिता पर रखकर अंतिम विदाई दी गई। अपनों को खोने का गम ऐसा था कि कोई पत्नी की तस्वीर हाथ में लेकर बैठा रहा तो कोई उनके कपड़ों को एकटक देख रहा था। पत्नी की मौत से दुखी एक युवक दीवार से सटकर घंटों बैठा ही रहा। कहा- दो छोटे बच्चों को छोड़कर वो चली गई, अब उनका क्या होगा? हादसे में एक ऐसी लड़की की भी जान गई है, जिसकी तीन दिन पहले ही शादी पक्की हुई थी। एक लड़का खुद को कोसता दिखा। बोला- जब कोख में था, तब पिता चल बसे। अब मां का आंचल भी सिर से हट गया। इस दर्दनाक हादसे के बाद दैनिक भास्कर की टीम पीड़ितों के गांवों में पहुंची। दुखी परिजन से बात कर उनका हाल समझने की कोशिश की। पहले देखिए, तीन तस्वीरें… तीन दिन पहले तय हुई थी रिंकू की शादी पूर्व सरपंच मुन्नालाल ने कहा- धार जिले के तीन गांवों के 46 लोग बुधवार सुबह लेबड़ इलाके में चुकंदर की फसल काटने गए थे। सभी काम खत्म करने के बाद पिकअप में सवार होकर घर लौट रहे थे। मेरे परिवार से पांच लोग- पत्नी सुंदरबाई, ग्यारसीबाई, रिंकू, सवित्री और पोता आयुष भी साथ थे। आयुष परिवार का इकलौता वारिस था। अब कोई कमाने वाला नहीं बचा है। उन्होंने बताया कि हादसे में नयापुरा निवासी रिंकू पिता कंवरलाल की भी जान चली गई। रिंकू की तीन दिन पहले ही शादी पक्की हुई थी। रिश्ता राजगढ़ के पास करनावद गांव के मेडा परिवार में हुआ था। एक साल बाद शादी की तारीख थी। घर की स्थिति काफी खराब होने के चलते वह अक्सर मजदूरी के लिए जाया करती थी। पिता की मौत के तीसरे दिन जन्मा, अब मां भी नहीं रही सेमलीपुरा गांव की रहने वाली अंगूरी बाई की भी इस एक्सीडेंट में मौत हुई है। उसके परिवार में बुजुर्ग सास-ससुर और 14 साल का बेटा विक्रम भूरिया ही बचे हैं। विक्रम कहता है- मां सुबह काम पर जाने का कहकर निकली थी। बहू सुबह काम पर गई, शाम को मौत की खबर आई विक्रम के दादा भंवर सिंह भूरिया ने कहा- पहले बेटा चला गया। अब बहू भी इस दुनिया में नहीं रही। वह रोज की तरह काम पर गई थी। नहीं पता था कि उसकी मौत की सूचना ही आएगी। अब पोता ही हमारा सहारा है। पड़ोसी अतुल भूरिया ने बताया कि विक्रम के पिता अनिल भूरिया की 2012 में मौत हो गई थी। अनिल की मौत के तीसरे दिन विक्रम का जन्म हुआ है। मां ही उसकी परवरिश कर रही थी। जिस हाल में था, वैसा ही पत्नी-बेटी को देखने भागा गांव के ही रहने वाले पप्पू ने कहा- पत्नी संगीता रोज की तरह काम पर जाने का कहकर निकली थी। बेटी किरण भी उसके साथ गई थी। हर दिन 250 रुपए मजदूरी मिलती थी। काम खत्म कर दोनों पिकअप से वापस लौट रहे थे। रात में एक परिचित का कॉल आया कि पिकअप पलट गई है। मैं जिस हाल में था, वैसा ही घटनास्थल की ओर भागा। यहां पता चला कि पत्नी संगीता नहीं रही। बेटी किरण का पैर फ्रैक्चर हुआ है। खचाखच भरने के बाद ही लेकर जाते थे पिकअप कैलाश ने भी इस हादसे में अपने 12 साल के बेटे चंपालाल को खो दिया है। वे कहते हैं कि चार-पांच दिन पहले ही बेटे ने काम पर जाना शुरू किया था। पिकअप जब तक खचाखच नहीं भर जाती थी, ड्राइवर गाड़ी नहीं बढ़ाता था। उस दिन भी करीब 50 लोगों को बैठा रखा था। तनुश्री के पिता उमेश डावर ने बताया कि मजदूरी पर मां के साथ बेटी भी गई थी। दोनों की मौत हो गई। अब घर में दादा-दादी और मैं ही बचा हूं। हादसे से जुड़ी ये खबरें भी पढ़ें… एकसाथ जलीं 16 चिताएं, एक चिता पर चार महिलाएं मध्य प्रदेश के धार में बुधवार रात हुए पिकअप हादसे में नयापुरा के 9, सेमलीपुरा के 5 और रामपुरा के 2 लोगों की मौत हो गई। सभी का अंतिम संस्कार गुरुवार सुबह किया गया। 4 महिलाओं के शवों को एक ही चिता पर रखा गया। अपनों को खोने वाले परिजन का बुरा हाल है। पढ़ें पूरी खबर… 16 लाशें…चिताएं और रुदन, दर्द की 17 तस्वीरें धार में बुधवार रात इंदौर-अहमदाबाद नेशनल हाईवे पर चिकलिया फाटा के पास बड़ा सड़क हादसा हुआ। करीब 50 मजदूरों से भरी ओवरलोड पिकअप का टायर फटने के बाद वह अनियंत्रित हो गया। 3-4 बार पलटी खाकर रॉन्ग साइड में स्कॉर्पियो से टकरा गया। हादसे में 16 की मौत हो गई। पढ़ें पूरी खबर…
सिंगरौली में हाईवा की टक्कर से युवक की मौत:गुस्साए ग्रामीणों ने किया सड़क जाम; मुआवजे और कार्रवाई की मांग पर अड़े

सिंगरौली जिले के माड़ा थाना क्षेत्र के छतौली गांव में आज शुक्रवार सुबह एक सड़क हादसे में बाइक सवार युवक की मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद गुस्साए ग्रामीणों ने सड़क जाम कर विरोध प्रदर्शन किया। मृतक की पहचान शुभग लाल सिंह गोंड के रूप में हुई है। वह एक शादी समारोह से अपने घर लौट रहा था। इसी दौरान विपरीत दिशा से आ रहे तेज रफ्तार हाईवा वाहन ने उसकी बाइक को टक्कर मार दी, जिससे उसकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई। चालक वाहन सहित मौके से फरार हादसे के बाद हाईवा चालक वाहन सहित मौके से फरार हो गया। इसकी सूचना मिलते ही परिजन और बड़ी संख्या में ग्रामीण घटनास्थल पर पहुंच गए। आक्रोशित लोगों ने शव को सड़क पर रखकर जाम लगा दिया, जिससे लगभग दो घंटे तक आवागमन बाधित रहा और वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। माड़ा थाना से भारी पुलिस बल मौके पर तैनात स्थिति बिगड़ती देख माड़ा थाना से भारी पुलिस बल मौके पर पहुंचा। पुलिस ने ग्रामीणों को समझाइश दी और काफी देर तक बातचीत के बाद परिजन शांत हुए। इसके बाद पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेजा और जाम हटवाया। माड़ा थाना प्रभारी शिवपूजन मिश्रा ने बताया कि पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और फरार हाईवा चालक की तलाश शुरू कर दी गई है। ग्रामीणों ने आरोपी चालक के खिलाफ सख्त कार्रवाई और पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा देने की मांग की है।
शिवपुरी में ट्रक ने ट्रैक्टर ट्रॉली को टक्कर मारी:एक दर्जन से अधिक मजदूर घायल, काम खत्म कर घर लौट रहे थे

शिवपुरी जिले के लुकवासा चौकी क्षेत्र में राष्ट्रीय राजमार्ग 46 पर एक ट्रक ने मजदूरों से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली को पीछे से टक्कर मार दी। इस दुर्घटना में ट्रॉली पलट गई और एक दर्जन से अधिक मजदूर घायल हो गए। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को कोलारस के स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया। यह घटना गुरुवार देर शाम अनंतपुर मोड़ के पास हुई। जानकारी के अनुसार, रिंकू रघुवंशी के कृषि फार्म पर मजदूरी का काम खत्म कर लगभग 25 मजदूर ट्रैक्टर-ट्रॉली में सवार होकर लुकवासा के सिद्धपुरा स्थित अपने घरों को लौट रहे थे। टक्कर के कारण कई पुरुष, महिलाएं और बच्चे घायल हो गए। यह मजदूर घायल घायल मजदूरों में रामप्यारी आदिवासी, शिवानी आदिवासी, लाखन बाई, भागनदे, बबलेश, प्रवीण, रजनी, अरविंद, सोनम, रूपा, चंचल, बती, सोनम, पूजा, राधा और एक अन्य रामप्यारी शामिल हैं। 5-6 गंभीर, जिला अस्पताल रेफर सभी घायलों को तत्काल कोलारस के स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। गंभीर रूप से घायल 5 से 6 मजदूरों को प्राथमिक उपचार के बाद जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया है। पुलिस ने इस संबंध में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
चार्जिंग स्टेशन न बनने से ई-बसों की योजना अटकी:दो साल बाद भी सड़क पर नहीं उतरीं इलेक्ट्रिक बसें; आयुक्त बोले-जून तक संचालन शुरू

कटनी शहर को प्रदूषण मुक्त और आधुनिक सार्वजनिक परिवहन की सौगात देने का दावा करने वाली नगर निगम की ‘दीनदयाल सिटी बस योजना’ फिलहाल फाइलों में दबी हुई है। बड़े विज्ञापनों और घोषणाओं के साथ शुरू की गई इस महत्वाकांक्षी इलेक्ट्रिक बस परियोजना को दो साल बीत चुके हैं, लेकिन प्रशासनिक लापरवाही के कारण एक भी बस अब तक सड़क पर नहीं उतर सकी है। मंजूरी, टेंडर और सब्सिडी की लंबी प्रक्रिया पूरी होने के बावजूद धरातल पर शून्य प्रगति ने नगर निगम की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। इलेक्ट्रिक बस संचालन योजना प्रस्तावित रूट तय योजना के खाके के मुताबिक, शहर में चार अत्याधुनिक इलेक्ट्रिक बसों का संचालन किया जाना है। इनमें से दो बसें कटनी-जबलपुर मार्ग और दो बसें कटनी-रीवा मार्ग पर चलने के लिए प्रस्तावित हैं। दस्तावेजों के अनुसार, दिल्ली की ‘शोलो बस’ कंपनी को इसका टेंडर दिया गया था। टेंडर प्रक्रिया 19 फरवरी 2025 को पूरी हुई और जुलाई 2025 में राज्य स्तरीय तकनीकी समिति (SLTC) से भी हरी झंडी मिल गई। हालांकि, स्वीकृति मिले एक साल से अधिक का समय हो गया है, लेकिन बसें डिपो से बाहर नहीं आ पाई हैं। चार्जिंग स्टेशन न बनने से इलेक्ट्रिक बस योजना अटकी परियोजना के रुकने का सबसे बड़ा तकनीकी कारण चार्जिंग स्टेशन का निर्माण न होना बताया जा रहा है। बसों को चार्ज करने के लिए झिंझरी क्षेत्र में स्टेशन बनाया जाना प्रस्तावित है। 29 जुलाई 2025 को दर स्वीकृति (LOI) जारी होने के बाद भी निर्माण कार्य शुरू नहीं हो सका है। इस पूरी योजना की अनुमानित लागत लगभग 6 करोड़ रुपए है, जिसमें प्रत्येक बस की कीमत 1.50 करोड़ रुपये आंकी गई है। सरकार द्वारा ऑपरेटर को 40 प्रतिशत तक की सब्सिडी का प्रावधान भी है। इसके बावजूद, संचालन करने वाली कंपनी की ओर से 18 लाख रुपए की ‘परफॉर्मेंस गारंटी’ जमा करने और आगे की प्रक्रिया में सुस्ती बरती जा रही है। कांग्रेस नेता राजा जगवानी ने इस देरी की आलोचना करते हुए कहा कि यह सीधे तौर पर जनता की सुविधा के साथ खिलवाड़ है। अधिकारियों की सुस्ती से परियोजना अटकी कटनी शहर में बढ़ते यातायात दबाव और ध्वनि प्रदूषण के बीच इलेक्ट्रिक बसों के शुरू होने का इंतजार लगातार बढ़ता जा रहा है, जिससे आम जनता को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इन बसों के संचालन से न केवल सस्ती और सुरक्षित यात्रा मिलेगी बल्कि डीजल की खपत कम होने से पर्यावरण को भी लाभ होगा। लेकिन फिलहाल जिम्मेदार अधिकारियों की उदासीनता के कारण परियोजना अटकी हुई है। इस योजना के तहत कुल 4 इलेक्ट्रिक बसें प्रस्तावित हैं, जिनमें 2 बसें कटनी-जबलपुर और 2 बसें कटनी-रीवा मार्ग पर चलनी हैं, जिसकी कुल लागत लगभग 6 करोड़ रुपए है और इसमें 40% तक सब्सिडी का प्रावधान भी है। चार्जिंग स्टेशन का निर्माण न होने से योजना आगे नहीं बढ़ पा रही है, जबकि टेंडर प्रक्रिया पूरी हो चुकी है और लक्ष्य जून तक संचालन शुरू करने का रखा गया है। आयुक्त बोले- जून महीने तक बसों का संचालन शुरू नगर नियम आयुक्त तपस्या परिहार ने बताया कि चार इलेक्ट्रिक बसों के संचालन की प्रक्रिया जारी है और टेंडर संबंधी कार्य पूर्ण हो चुके हैं। झिंझरी में चार्जिंग स्टेशन का निर्माण जल्द पूरा कराने का प्रयास किया जा रहा है, ताकि जून महीने तक बसों का संचालन शुरू कर शहरवासियों को इसका लाभ मिल सके।
हिमाचल में ग्लेशियर टूटा, लोगों ने भागकर बचाई जान:सड़क बहाली में जुटे थे PWD कर्मचारी, 5 महीने से बंद है पांगी-चंबा मार्ग

हिमाचल प्रदेश के चंबा जिला के चुराह में बीती शाम (30 अप्रैल) को ग्लेशियर टूटकर अचानक सड़क पर आ गया। इस दौरान चंबा को पांगी से जोड़ने वाली सड़क पर ग्लेशियर गिरा। इसे गिरते देख बैरागढ़-साचपास-किलाड़ सड़क पर सतरूंडी के कार्थनाला में सड़क बहाली में जुटे कर्मचारी और मजदूरों ने भागकर जान बचाई। बता दें कि, बीते दिनों क्षेत्र में भारी बर्फबारी के कारण सड़क यातायात के लिए बंद थी। लिहाजा लोक निर्माण विभाग के मजदूर और कर्मचारी सड़क बहाली में जुटे हुए थे। इस दौरान अचानक ग्लेशियर टूटा और बर्फ की नदी जैसी सड़क की तरफ बहने लगी। ग्लेशियर गिरने की आवाज सुनकर भागे सूचना के अनुसार- सड़क बहाली में जुटे कर्मचारी और मजदूरों ने जैसे ही पहाड़ी से ग्लेशियर गिरने की आवाजें सुनी वह ईधर-उधर भागने लगे। थोड़ी भी देर हो जाती तो बड़ा हादसा हो सकता है। बताया जा रहा है कि जिस पॉइंट से ग्लेशियर टूटा, उसे वहां से सड़क तक पहुंचने में 50 से 70 सेकेंड का वक्त लगा, इतने समय में कर्मचारी-मजदूर खुद भी भागने में कायमयाब रहे। हालांकि, इस घटना में कुछ मशीनरी को हल्का नुकसान पहुंचने की सूचना है। इसके बाद सड़क बहाली रोक दी गई है। हर साल तीन से चार महीने बंद होती है सड़क अति दुर्गम क्षेत्र पांगी और चंबा को जोड़ने वाली यह सड़क दिसंबर से सभी प्रकार के वाहनों के लिए बंद पड़ी है। इन दिनों PWD की मशीनरी और मजदूर बर्फ हटाने में जुटे हुए हैं। यह सड़क सर्दियों में हर साल भारी बर्फबारी के कारण तीन से चार महीने के लिए बंद हो जाती है। मगर क्षेत्र में ग्लेशियर गिरने का खतरा बना रहता है।
LIVEजबलपुर में क्रूज डूबा, 22 को बचाया, 6 की मौत:आर्मी ने संभाला मोर्चा; पूरी रात चली सर्चिंग, क्रूज में और शव होने की आशंका

मध्य प्रदेश के जबलपुर में नर्मदा नदी पर बने बरगी डैम में गुरुवार शाम बड़ा हादसा हो गया। MP टूरिज्म का पर्यटकों से भरा क्रूज तेज आंधी और तूफान के बीच डूब गया। . शुक्रवार सुबह तक 6 शव बरामद किए जा चुके हैं। 22 लोगों को सुरक्षित बचाया गया है, जबकि 15 से अधिक लोग लापता बताए जा रहे हैं। प्रशासन के अनुसार, क्रूज में और शव होने की आशंका है। पुलिस और प्रशासन के मुताबिक, क्रूज में करीब 40 से 45 पर्यटक सवार थे। हादसा डैम किनारे से लगभग 300 मीटर अंदर हुआ। बरगी सिटी सीएसपी अंजुल मिश्रा ने बताया कि शुरुआती रेस्क्यू में SDRF ने कई लोगों को बचाया, लेकिन अंधेरा और खराब मौसम से राहत कार्य प्रभावित हुआ। शुक्रवार सुबह से फिर रेस्क्यू जारी है। हैदराबाद से स्पेशल टीम एक हेलीकॉप्टर रवाना अंधेरा और बारिश के बीच SDRF टॉर्च की मदद से सर्च ऑपरेशन चला रही है। क्रूज को रस्सियों से बांधकर किनारे लाने की कोशिश की गई, लेकिन सफलता नहीं मिली। अब भारतीय सेना की टीम भी रेस्क्यू में शामिल हो गई है। हैदराबाद से स्पेशल टीम और एक हेलीकॉप्टर भी रवाना किया गया है, जबकि कोलकाता से पैरामिलिट्री टीम जबलपुर पहुंच चुकी है। हाइड्रोलिक मशीन की मदद से नदी क्षेत्र को पाटकर क्रूज तक पहुंचने और फंसे लोगों को निकालने की कोशिश की जा रही है। क्रूज 20 फीट गहराई में फंसा जानकारी के अनुसार, क्रूज करीब 20 फीट गहरे पानी में फंसा है। जेसीबी और नाव की मदद से उसे लगभग 30 मीटर तक खींचा गया, लेकिन आगे नहीं बढ़ सका। अब पोकलेन मशीन और भारी उपकरणों से उसे किनारे लाने का प्रयास जारी है। साथ ही गड्ढा खोदने की तैयारी भी की जा रही है। लाइफ जैकेट पहनने का मौका नहीं मिला क्रूज पायलट महेश ने बताया कि वह 10 साल से सेवा में है और सभी सुरक्षा उपकरण मौजूद थे, लेकिन तूफान इतनी तेजी से आया कि यात्रियों को लाइफ जैकेट पहनने का मौका नहीं मिला। अधिकारियों के मुताबिक, मृतकों और लापता लोगों की संख्या में बदलाव संभव है, क्योंकि रेस्क्यू ऑपरेशन अभी भी जारी है। हादसे की 7 तस्वीरें देखिए… तूफान के चलते एमपी टूरिज्म का क्रूज बरगी डैम में पलट गया। जिस समय ये हादसा हुआ, उस समय हवा की रफ्तार 40 किमी प्रति घंटा थी। बताया जा रहा है कि क्रूज में सवार ज्यादातर लोगों ने लाइफ जैकेट नहीं पहनी थी। बरगी डैम में क्रूज डूबने के बाद बचाव के लिए नाव पहुंची। कैप्टन को बचाया गया। एसडीआरएफ की टीम भी रेस्क्यू ऑपरेशन के लिए पहुंच गई। रेस्क्यू जारी है। इस हादसे में क्रूज पर सवार कुछ लोग तैरकर बाहर आ गए हैं। गैस कटर से क्रूज को काटकर एक शख्स को रेस्क्यू टीम ने बचाया। पर्यटन विभाग के अधिकारी बोले- 20 साल पुराना है क्रूज पर्यटन विभाग के अधिकारी योगेंद्र रिछारिया ने बताया कि बरगी डैम में एक क्रूज संचालित किया जा रहा है। इसका निर्माण 2006 में किया गया था। इसकी क्षमता 60 यात्रियों की है। वहीं दूसरा क्रूज खराब है। खमरिया के एक परिवार के 15 लोग थे सवार आयुध निर्माणी खमरिया के A3 सेक्शन में कार्यरत कर्मचारी कामराज आर्य परिवार के 15 लोगों के साथ घूमने गए थे। कामराज के माता-पिता भी साथ में थे, लेकिन वह डैम के किनारे बैठे हुए थे। कामराज के साथ उनकी पत्नी, भाभी और बच्चे क्रूज में घूमने गए हुए थे। कामराज मूलत: कर्नाटक के रहने वाले हैं। कामराज के एक बेटे को बचा लिया गया है। वहीं कामराज, उनकी पत्नी और बेटा अब भी लापता है। कामराज, उनकी पत्नी और बेटे समेत परिवार के 15 लोग घूमने गए थे। प्रशासन ने जारी की सूची इन लोगों के शव मिले ये लोग लापता इन लोगों को बचाया गया खबर के मिनट टु मिनट अपडेट के लिए लाइव ब्लॉग से गुजर जाइए। यह खबर भी पढ़ें जबलपुर क्रूज हादसा-11 लोग बिना टिकट सवार थे:प्रत्यक्षदर्शी बोला- किसी ने नहीं पहना था लाइफ जैकेट मध्यप्रदेश के जबलपुर के बरगी डैम में क्रूज तेज आंधी में पलट गया। पुलिस के मुताबिक अब तक 6 लोगों के शव मिल गए हैं। वहीं कलेक्टर ने कहा कि 4 शव मिले हैं। 22 को सुरक्षित बचा लिया गया है। 15 से ज्यादा अब भी लापता हैं। पुलिस के मुताबिक MP टूरिज्म के क्रूज में 40 से 45 लोग सवार थे। एक प्रत्यक्षदर्शी के मुताबिक इनमें से 11 लोग बिना टिकट सवार थे और किसी ने भी लाइफ जैकेट नहीं पहना था। पढ़ें पूरी खबर
बॉलीवुड एक्ट्रेस पलक तिवारी ने गोल्डन टेंपल में माथा टेका:दुपट्टे से सिर ढंककर आईं, गुरबाणी सुनी; पहली यात्रा का अनुभव साझा किया

टीवी अभिनेत्री श्वेता तिवारी की बेटी और बॉलीवुड एक्ट्रेस पलक तिवारी अमृतसर स्थित गोल्डन टेंपल पहुंचीं। यहां उन्होंने दरबार साहिब में माथा टेका। इस दौरान वह नीले रंग का सूट पहने नजर आईं। सूट पर गुलाबी रंग के फूल और हरे रंग की पत्तियों की कढ़ाई बनी हुई थी। उनका सिर दुपट्टे से ढंका हुआ रहा। पलक तिवारी आम श्रद्धालु की तरह यहां रहीं। हालांकि उन्होंने मीडिया से बात नहीं की। पलक ने अपने इस खास दौरे की तस्वीरें सोशल मीडिया पर भी साझा की हैं। एक तस्वीर में वह परिक्रमा में बैठकर शांति से गुरबाणी का आनंद लेते हुए नजर आ रही हैं, जबकि दूसरी तस्वीर में वह हाथ जोड़कर खड़ी दिखाई दे रही हैं। परिक्रमा में बैठकर गुरबाणी कीर्तन सुना जानकारी के अनुसार, पलक तिवारी ने गोल्डन टेंपल पहुंचकर करीब आधे घंटे तक परिक्रमा में बैठकर गुरबाणी कीर्तन सुना और आध्यात्मिक वातावरण को महसूस किया। अपनी पोस्ट के कैप्शन में पलक ने लिखा कि यह उनका गोल्डन टेंपल का पहला दौरा था, लेकिन जैसा उन्होंने सोचा था, वैसा ही अनुभव उन्हें जहां आकर महसूस हुआ। सलमान खान की फिल्म से किया था डेब्यू पलक तिवारी ने साल 2023 में सलमान खान स्टारर ‘किसी का भाई किसी की जान’ सेडेब्यू किया था। फिल्म में पूजा हेगड़े, वेंकटेश, भूमिका चावला, जगपति बाबू, विजेंदर सिंह, राघव जुयाल, जस्सी गिल, सिद्धार्थ निगम, शहनाज गिल, पलक तिवारी, विनाली भटनागर और सतीश कौशिक भी नजर आए थे।
विधानसभा चुनाव 2026 लाइव: पश्चिम बंगाल में स्ट्रॉन्ग रूम ‘ड्रामा’, थानी में ममता और बीजेपी, EC ने पूरी सफाई पर सफाई दी

पश्चिम बंगाल, असम, केरल, तमिलनाडु और पुडुचेरी में मतदान समाप्त होने के बाद, वोट पोल के नतीजे भी आ गए हैं। अब सभी को 4 मई को आने वाले अंतिम नतीजों का इंतजार है जो इन राज्यों की तस्वीरें साफ करेंगे। क्या सर्वेक्षण के नतीजे सही साबित होंगे या फिर गलत, इस चार मई को ही नतीजे आएंगे। पश्चिम बंगाल सर्वेक्षण पोलपश्चिम बंगाल इंग्लैण्ड पोल को लेकर सबसे ज्यादा चर्चा है। यहां अंतिम चरण में भारी मतदान हुआ। सूची में संशोधन, पहचान की राजनीति और मजबूत जमीनी स्तर की लामबंदी जैसी सूची ने चुनाव को प्रभावित किया। वोटो पोल्स, कांग्रेस और बीजेपी के बीच कांटे की टक्कर का संकेत दे रहे हैं, और कई सर्वे त्रिशंकु विधानसभा की संभावनाएं जता रहे हैं। अनुमान के अनुमान तो भाजपा का राज्य में विस्तार दिख रहा है। टेम्प्लेट एकल पोल तमिल में, प्रतियोगिता पिछले चुनाव की तुलना में कम सीधा-सदा स्पष्ट हुआ। हालांकि कई एनेगेट पोल्स टीचर्स के नेतृत्व वाले गठबंधन की सत्ता में वापसी का संकेत दे रहे हैं, लेकिन अभिनेता-नेता विजय की तमिलगा वेट्री कज़गम के प्रवेश ने राजनीतिक समीकरणों को बदल दिया है। कुछ अनुमानों से संकेत मिलता है कि तमिलगा वेट्री कज़गम इस बार सरकार बन सकती है। अगर ऐसा हुआ तो राज्य की राजनीति पूरी तरह बदल जाएगी। असम, केरल और पुडुचेरी सर्वेक्षण पोल असममित पोल भाजपा के लिए आरामदायक बहुमत का अनुमान लगा रहे हैं। वहीं केरल में खंड की टक्कर है, जहां एलेक्ट्रोनिक पोल कांग्रेस के नेतृत्व वाले यू.एस. को मामूली का संकेत देते हैं। पुडुचेरी में स्थिति स्पष्ट रूप से स्पष्ट दिखती है, जहां खंडित स्टॉक और स्थिर नेतृत्व के लिए स्थिर समर्थन के लिए संगठन के आराम से सत्ता में बने रहने का अनुमान है। बंगाल चुनाव के बाद हिंसा पर रोक के लिए एसी स्थिति पर नजरबंदी चुनाव आयोग ने राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ) के कार्यालय को पश्चिम बंगाल में चुनाव के बाद होने वाली हिंसा पर रोक लगाने के लिए स्थिति पर नजर रखने के निर्देश दिए हैं। इस संबंध में, सीईओ के रीक ने गुरुवार को जिला मजिस्ट्रेटों और पुलिस कप्तानों के साथ एक आभासी बैठक की। मुख्य चुनाव अधिकारी मनोज अग्रवाल ने अधिकारियों को दिया ये संदेश. रविवार को चुनाव के दूसरे और अंतिम चरण के खत्म होने के बाद, राज्य के अलग-अलग हिस्सों से चटपट राजनीतिक चुनावी नतीजों की खबरें आई हैं। इसे देखते हुए, मुख्य चुनाव अधिकारी के एक सूत्र ने बताया कि आयोग ने सबसे पहले ही कहा था
कोलकाता में स्ट्रांग रूम को लेकर विवाद तेज, अनेस्ट्री-भाजपा गठबंधन- सामने; चुनाव आयोग ने जारी की अवकाश रिपोर्ट

राज्य में विधानसभा के दूसरे चरण के चुनाव के बाद अब तृतीय से पहले ही नोबेल हंगामा हो गया है। कोलकाता में स्ट्रांग रूम और पोस्टल बैलेट की प्रक्रिया को लेकर पार्टी और पार्टी के बीच आरोप-प्रत्यारोप तेज हो गए हैं। अंतरराष्ट्रीय स्तर के नेता ग्लोबल घोष ने आरोप लगाया कि स्ट्रॉन्ग रूम को समय से पहले खोला गया था और अंदर कुछ लोग काम कर रहे थे, वैज्ञानिक जानकारी राजनीतिक व्यवस्था को नहीं बताया गया। उन्होंने कहा कि उनकी टीम सुबह तक वहां मौजूद थी, लेकिन इस प्रक्रिया को लेकर विभाजन नहीं हुआ। इसी मुद्दे पर नामांकन नेता शशि पांजा ने भी सवाल उठाया. उन्होंने दावा किया कि “अज्ञात लोग पोस्टल बैलेट संभाल रहे हैं” और यह स्पष्ट नहीं किया गया कि अंदर क्या काम चल रहा है। उन्होंने यह भी पूछा कि जब स्ट्रॉन्ग रूम को केश में सील कर दिया गया तो उसका आधार खुल गया। वहीं, मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के समर्थक को लेकर भी विवाद खड़ा हो गया है. खबरों में कहा गया है कि वह कोलकाता के सखावत मेमोरियल स्कूल स्ट्रांग रूम परिसर में स्थित है। इस पर कलाकारी ने सवाल उठाया. भाजपा से जुड़े वकील सूर्यनिल दास ने आरोप लगाया कि किसी भी उम्मीदवार का लंबे समय तक मजबूत कमरे में रहना असंवैधानिक है। हालाँकि, भाजपा नेताओं ने इलेक्ट्रॉनिक्स के सहयोगियों को ख़ारिज कर दिया। मानिक ताला से बीजेपी उम्मीदवार तापस रॉय ने कहा कि ये सब ‘सिर्फ अफवाह’ है और हार की आशंका के चलते इस तरह का आरोप लगा रही है. उन्होंने कहा कि मजबूत रूम में थ्री-स्टार सुरक्षा व्यवस्था है और बिना कुछ भी संभव नहीं है। एंटेली से बीजेपी प्रत्याशी प्रियंका टिबरेवाल ने भी वीकेंड पर हमला बोल दिया। उन्होंने कहा कि सेंट्रल इंजीनियरिंग की स्थापना के कारण ही राज्य में मुद्रांकित मतदान संभव हो पाया और रिकॉर्ड मतदान दर्ज किया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनावी प्रक्रिया को प्रभावित करने की कोशिश की जा रही है और अब ‘ड्रामा’ किया जा रहा है। यह पूरा विवाद भारत परिवहन आयोग ने स्मारक पर लिया है। राज्य के मुख्य अभियंता अधिकारी मनोज कुमार अग्रवाल ने कहा कि आयोग की ओर से मामले की जानकारी दी गई है और संबंधित अधिकारियों की रिपोर्ट जारी की गई है। कोलकाता उत्तर के जिला अधिकारी स्मिता पांडे ने स्पष्ट किया कि स्ट्रॉन्ग रूम से जुड़े सभी वास्तुशिल्प ढांचे पूरी तरह से गायब हैं। उन्होंने बताया कि वोटिंग के बाद मोनिका को स्टॉक में डाल दिया गया था और उनके दस्तावेजों को सील कर दिया गया था। उन्होंने यह भी कहा कि जिस प्रक्रिया को लेकर विवाद हो रहा है, वह वैधानिक प्रक्रिया को अलग करने के लिए वैध पोस्टल बैलेट का हिस्सा है। यह कार्य पहले तय कार्यक्रम के अनुसार किया जा रहा था और इसकी जानकारी राजनीतिक आश्रम को ईमेल के माध्यम से दी गई थी। इस बीच, कोलकाता के अलग-अलग विचारधाराओं में भाजपा कम्युनिस्ट पार्टी और धार्मिक स्मारकों के बीच मराठा सम्राट की खबरें भी सामने आती हैं। दोनों के कार्यकर्ता स्ट्रॉन्ग रूम के बाहरी निगरानी कर रहे हैं और किसी भी तरह की गड़बड़ी की आशंका जता रहे हैं। चुनाव आयोग एवं जिला प्रशासन ने सभी से शांति बनाए रखने की अपील की है।
ग्वालियर में 26 साल की युवती से दुष्कर्म:सहेली के भाई ने शादी के बाद युवती के पति को भेजे अश्लील फोटो-वीडियो, रिश्ता तुड़वाया

ग्वालियर में 26 साल की युवती से रेप का मामला सामने आया है। सहेली के भाई ने शादी का झांसा देकर दुष्कर्म किया। इसके बाद युवती की शादी हो गई। शादी के बाद भी ब्लैकमेल कर आरोपी उसका शोषण करता रहा। जब युवती ने एक दो बार आने से मना किया तो आरोपी ने अपने संबंध की बात उसके पति को बता दी। यकीन दिलाने के लिए कुछ अश्लील फोटो-वीडियो भेज दिए। सच्चाई सामने आने पर पति ने युवती को छोड़ दिया। इसके बाद फिर आरोपी उससे शारीरिक संबंध बनाने लगा। जब युवती ने शादी के लिए कहा तो आरोपी मुकर गया। घटना जनवरी 2025 से अप्रैल 2026 के बीच की है। पुलिस ने पीड़िता की शिकायत पर आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। महिला थाना पुलिस ने बताया कि 26 वर्षीय महिला ने थाने आकर शिकायत की है कि उसकी दोस्ती वर्ष 2025 में मुश्फिक हुसैन, निवासी तेली की बजरिया, से हुई थी। मुश्फिक हुसैन उसकी सहेली का भाई है। दोस्ती होने के बाद मुश्फिक ने उससे प्यार का इजहार किया। प्यार के जाल में फंसाकर उसके साथ अवैध तरीके से शारीरिक संबंध बनाए। इसके बाद वह उसका शोषण करता रहा। इसी बीच घरवालों ने युवती की शादी कर दी। शादी के बाद भी आरोपी उसे मिलने के लिए बुलाता रहा और ब्लैकमेल कर उसके साथ शारीरिक संबंध बनाता था। पति को बताया अवैध संबंध की बात, दिखाए फोटो जब महिला ने मुश्फिक के बुलाने पर विरोध किया तो इसके बाद मुश्फिक ने उसके पति को उसके और अपने संबंधों की जानकारी दी। साथ ही, यकीन दिलाने के लिए उसके पति के मोबाइल पर अश्लील फोटो व वीडियो भेज दिए। जिसके बाद पति ने उसे छोड़ दिया और वह मायके में रहने लगी। शादी का वादा कर किया गलत काम, अब मुकरा पति के छोड़ने के बाद आरोपी मुश्फिक ने युवती से फिर नजदीकियां बढ़ाकर उसके साथ शादी का वादा का संबंध स्थापित किए। अब जब युवती ने शादी के लिए कहा तो वह मुकर गया। विरोध करने पर युवती व उसके भाई को जान से मारने की धमकी देने लगा। परेशान होकर पीड़िता ने मामले की शिकायत महिला थाना में की है। जिस पर पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। महिला थाना प्रभारी रश्मि भदौरिया ने बताया- एक युवती की शिकायत पर उसके पूर्व दोस्त पर दुष्कर्म का मामला दर्ज किया गया है। आरोपी को गिरफ्तार कर उससे पूछताछ की जा रही है।







