भारत के खिलाफ पहली बार वनडे सीरीज खेलेगा अफगानिस्तान:कोहली-हार्दिक के बिना उतरेगी इंडिया, धर्मशाला में आज बारिश के 55% चांस

भारत और अफगानिस्तान के बीच तीन मैचों की वनडे सीरीज का पहला मुकाबला आज खेला जाएगा। मैच धर्मशाला के हिमाचल प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन स्टेडियम में दोपहर 1:30 बजे शुरू होगा। भारत और अफगानिस्तान के बीच पहली बार वनडे सीरीज खेली जाएगा। इससे पहले दोनों टीमें वर्ल्ड कप और एशिया कप में आमने-सामने हुई थीं। विराट कोहली और हार्दिक पंड्या चोट के कारण बाहर हो गए हैं। जसप्रीत बुमराह और मोहम्मद सिराज को आराम दिया गया है। ऐसे में प्रिंस यादव और गुरनूर बरार में से एक को डेब्यू का मौका मिल सकता है। धर्मशाला में मौसम मैच पर असर डाल सकता है। मौसम विभाग के अनुसार शनिवार को बारिश की संभावना 55% है। भारत-अफगानिस्तान में 4 वनडे, इंडिया 3 जीती भारत और अफगानिस्तान के बीच 4 वनडे मैच खेले गए हैं। भारत ने तीन मैच जीते हैं, जबकि एक मुकाबला टाई रहा है। अफगानिस्तान अभी तक भारत के खिलाफ वनडे में जीत दर्ज नहीं कर सका है। दोनों टीमों की पिछली भिड़ंत 2023 वनडे वर्ल्ड कप में दिल्ली में हुई थी, जहां भारत ने 8 विकेट से एकतरफा जीत दर्ज की थी। भारत की नजर शुभमन-रोहित पर अफगानिस्तान की ताकत जादरान-राशिद HPCA में बल्लेबाजों और तेज गेंदबाजों दोनों को मदद धर्मशाला का HPCA स्टेडियम समुद्र तल से काफी ऊंचाई पर स्थित है। यहां गेंद तेजी से बल्ले पर आती है और आउटफील्ड भी तेज रहती है। शुरुआती ओवरों में तेज गेंदबाजों को स्विंग और अतिरिक्त उछाल मिलती है, जबकि बाद में बल्लेबाज खुलकर रन बना सकते हैं। इस मैदान पर अब तक 9 वनडे खेले गए हैं, जिनमें 5 बार लक्ष्य का पीछा करने वाली टीम जीती है। यहां पहली पारी का औसत स्कोर करीब 253 रन है। 2023 वर्ल्ड कप में ऑस्ट्रेलिया ने न्यूजीलैंड के खिलाफ 388 रन बनाकर यहां का सबसे बड़ा स्कोर बनाया था। श्रेयस 3 हजार वनडे रन से 23 रन दूर पॉसिबल प्लेइंग-11 भारत: शुभमन गिल (कप्तान), रोहित शर्मा, ईशान किशन, श्रेयस अय्यर, केएल राहुल, नीतीश कुमार रेड्डी, वॉशिंगटन सुंदर, कुलदीप यादव, अर्शदीप सिंह, प्रसिद्ध कृष्णा, प्रिंस यादव/गुरनूर बरार। अफगानिस्तान: इब्राहिम जादरान, रहमानुल्लाह गुरबाज, सेदिकुल्लाह अटल, रहमत शाह, हश्मतुल्लाह शाहिदी (कप्तान), अजमतुल्लाह उमरजई, मोहम्मद नबी/इकराम अलिखिल , राशिद खान, मोहम्मद सलीम, अल्लाह गजनफर, जिया-उर-रहमान।
‘भगवंत मान को दोबारा सीएम बनाएं’: अरविंद केजरीवाल ने कहा, पंजाब में नवंबर में चुनाव संभव | भारत समाचार

आखरी अपडेट:12 जून, 2026, 22:03 IST केजरीवाल ने कहा कि उन्हें जानकारी मिली है कि चुनाव समय से पहले हो सकते हैं और उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं से समय से पहले चुनाव के लिए तैयार रहने का आग्रह किया। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान और आप प्रमुख अरविंद केजरीवाल | फाइल फोटो आप के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने शुक्रवार को दावा किया कि पंजाब विधानसभा चुनाव निर्धारित समय फरवरी 2027 के बजाय इस साल नवंबर में हो सकते हैं। बठिंडा में एक रोड शो को संबोधित करते हुए केजरीवाल ने कहा कि उन्हें जानकारी मिली है कि चुनाव पहले हो सकते हैं और उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं से समय से पहले चुनाव के लिए तैयार रहने का आग्रह किया। केजरीवाल ने कहा, “मुझे बताया गया है कि चुनाव नवंबर (2026) में होंगे, फरवरी (2027) में नहीं। इसलिए, अब केवल चार महीने बचे हैं। हमें काम पर लगना चाहिए और भगवंत मान को फिर से मुख्यमंत्री बनाना चाहिए।” पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान को अगले चुनाव के लिए पार्टी के चेहरे के रूप में पेश करते हुए केजरीवाल ने समर्थकों से कहा, “हमें भगवंत मान को फिर से मुख्यमंत्री बनाना है।” उन्होंने कहा कि राज्य में चुनाव होने में कुछ ही महीने बचे हैं और आप कार्यकर्ताओं से अपने संपर्क प्रयासों को तेज करने को कहा। केजरीवाल ने हालिया निकाय चुनावों में आप के मजबूत प्रदर्शन के लिए भी मतदाताओं को धन्यवाद दिया, जहां पार्टी ने आठ नगर निगमों, 75 नगर परिषदों और 19 नगर पंचायतों के 1,977 वार्डों में से 958 पर जीत हासिल की। उन्होंने दावा किया कि लोग पिछले चार वर्षों में आप सरकार के काम से संतुष्ट हैं और मान के नेतृत्व की प्रशंसा करते हुए कहा कि उनके कार्यकाल के दौरान उनके खिलाफ भ्रष्टाचार का कोई आरोप सामने नहीं आया। केजरीवाल ने कहा, “आप पंजाब में चार साल से सरकार चला रही है और लोग उसके शासन से खुश हैं।” उन्होंने इसकी तुलना प्रतिद्वंद्वी दलों के शासन से करते हुए कहा कि जब वे अपने कार्यकाल के अंतिम वर्ष में पहुंचते थे तो उनके खिलाफ जनता का गुस्सा बढ़ जाता था। दिल्ली के पूर्व सीएम ने टिप्पणी की, “हम काम करने के लिए राजनीति में आए हैं। मैं लोगों के चेहरों पर मुस्कान देखता हूं और अच्छा महसूस करता हूं कि चार साल बाद लोग हमारे काम को पसंद कर रहे हैं।” आप नेता ने यह भी दावा किया कि आप सरकार ने पिछले चार वर्षों में विभिन्न वर्गों के लोगों के लिए कई पहल कीं। “आप मुफ्त बिजली, 10 लाख रुपये का स्वास्थ्य कवर प्रदान कर रही है, जबकि 1,000 रुपये और 1,500 रुपये (एससी महिलाओं के लिए) की वित्तीय सहायता जुलाई से महिलाओं के खातों में जाएगी। केजरीवाल ने कहा, ”अब, आपको भगवंत मान को फिर से मुख्यमंत्री बनाना चाहिए ताकि बाकी काम पूरे हो सकें।” (पीटीआई से इनपुट्स के साथ) चुनी हुई कहानियाँ, आपके इनबॉक्स में हमारी सर्वोत्तम पत्रकारिता वाला एक न्यूज़लेटर जमा करना लेखक के बारे में न्यूज़ डेस्क न्यूज़ डेस्क उत्साही संपादकों और लेखकों की एक टीम है जो भारत और विदेशों में होने वाली सबसे महत्वपूर्ण घटनाओं का विवरण और विश्लेषण करती है। लाइव अपडेट से लेकर एक्सक्लूसिव रिपोर्ट से लेकर गहन व्याख्याताओं तक…और पढ़ें जगह : पंजाब, भारत, भारत न्यूज़ इंडिया ‘भगवंत मान को दोबारा सीएम बनाएं’: अरविंद केजरीवाल का कहना है कि पंजाब में नवंबर में चुनाव होने की संभावना है अस्वीकरण: टिप्पणियाँ उपयोगकर्ताओं के विचार दर्शाती हैं, News18 के नहीं। कृपया चर्चाएँ सम्मानजनक और रचनात्मक रखें। अपमानजनक, मानहानिकारक, या अवैध टिप्पणियाँ हटा दी जाएंगी। News18 अपने विवेक से किसी भी टिप्पणी को अक्षम कर सकता है. पोस्ट करके, आप हमारी उपयोग की शर्तों और गोपनीयता नीति से सहमत होते हैं। और पढ़ें (टैग्सटूट्रांसलेट)पंजाब विधानसभा चुनाव(टी)अरविंद केजरीवाल(टी)भगवंत मान(टी)आम आदमी पार्टी(टी)पंजाब निकाय चुनाव(टी)बठिंडा रोड शो(टी)मुफ्त बिजली योजना(टी)स्वास्थ्य कवर पंजाब
दही खाने के टिप्स: रात में दही खाना चाहिए या नहीं? जानें इसके फायदे और नुकसान

आयुर्वेद के अनुसार रात के समय दही खाने से बचने की सलाह दी जाती है। ऐसा माना जाता है कि दही में तासीर की विशेषता होती है, जिससे कुछ लोगों को कफ, बलगम या पाचन संबंधी विकार हो सकते हैं। छवि: सोशल मीडिया हालाँकि आधुनिक विज्ञान के अनुसार यदि किसी व्यक्ति को दही से कोई परेशानी नहीं है, तो वह सीमित मात्रा में रात में भी दही खा सकता है। छवि: सोशल मीडिया दही में मौजूद प्रोबायोटिक्स के लिए मछलियां होती हैं। इससे खाना आसानी से पचता है। इसमें कैल्शियम और फास्फोरस का अच्छा स्रोत है, जो हड्डियों और दांतों को मजबूत बनाने में मदद करता है। छवि: फ्रीपिक रात के भोजन में दही शामिल करने से शरीर को प्रोटीन मिलता है, जिसका मिश्रण आपके लिए अच्छा होता है। गर्मियों के मौसम में दही से शरीर को ठंडक मिलती है और एसिडिटी से राहत मिल सकती है। छवि: एआई जिन लोगों को अक्सर सर्दी, खांसी या एलर्जी रहती है, उन्हें रात में दही से परेशानी बढ़ सकती है। दही की अपवित्र तासीर के कारण कुछ लोगों में बलगम बनने की संभावना बढ़ सकती है। छवि: फ्रीपिक कच्चे पाचन वाले लोगों को रात में दही खाने से गैस, पेट फूलना या भारीपन महसूस हो सकता है। दही को सीधे-सीधे कारखानों से निकाला जाता है। दही में काली मिर्च, इसके अलावा जीरा या थोड़ा सा सेंधा नमक भी मौजूद है। छवि: फ्रीपिक बहुत अधिक मात्रा में दही खाने से परहेज। सूजन-जुकाम या गले की समस्या रात में होने वाली दही से नहीं। दही की जगह छाछ या प्रभाव रायता भी एक अच्छा विकल्प हो सकता है। छवि: सोशल मीडिया अस्वीकरण: इस लेख में बताए गए तरीके, तरीके और दावे अलग-अलग विद्वानों पर आधारित हैं। रिपब्लिक भारत लेख में दी गई जानकारी के सही होने का दावा नहीं किया गया है। किसी भी उपचार और सुझाव को पहले डॉक्टर या डॉक्टर की सलाह से अवश्य लें। (टैग्सटूट्रांसलेट)दही खाने का सही समय(टी)दही खाने के टिप्स(टी)दही खाने का सही समय(टी)दही(टी)दही के स्वास्थ्य लाभ(टी)दही खाने के नुकसान
जयपुर में कंगना रनौत ने सीएम भजनलाल संग देखी फिल्म:एक्ट्रेस बोलीं- यह मेरे लिए खास दिन; 200 से ज्यादा नर्सेज पहुंचीं फिल्म देखने

बॉलीवुड एक्ट्रेस और सांसद कंगना रनौत शुक्रवार शाम जयपुर पहुंचीं। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के साथ अपनी फिल्म ‘भारत भाग्य विधाता’ की विशेष स्क्रीनिंग में शामिल हुईं। शहर के ईपी मिराज सिनेमाघर में आयोजित इस स्पेशल स्क्रीनिंग में राजस्थान सरकार के कई मंत्री, विधायक, प्रशासनिक अधिकारी और विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े लोग मौजूद रहे। कंगना ने कहा- मेरी पूरी टीम के साथ यहां हूं। सीएम और उनकी टीम यहां आई है, नर्सिंग स्टूडेट्स आए हैं। यह मेरे लिए खास दिन है। मैं चाहती हूं कि आज मेरी फिल्म बोले। यह अनसंग हीरो की कहानी है, जो इस देश के असली हीरो हैं। मै आज यहां ऐसे ही अनसंग हीरोज को सम्मानित करेंगे। सीएम ने कहा- जो सब कुछ छोड़कर राष्ट्र को समर्पित है, उनकी कहानी लेकर कंगना जी आई हैं। कंगना जी ने राष्ट्र और समाज के प्रति काम करने वालों पर फिल्म बनाई है, उसके लिए इनका धन्यवाद देना चाहता हूं। हम सभी राष्ट्र प्रथम को मानने वाले लोग हैं। कई लोगों ने गुमनाम रहकर देश की सेवा की है। कोरोना के वक्त भी ऐसे ही गुमनाम लोगों ने देश की सेवा की है। यह फिल्म काफी कुछ सिखाने वाली साबित होगी। बता दें कि कंगना रनौत शुक्रवार सुबह जोधपुर से सड़क मार्ग के जरिए जयपुर पहुंचीं। यहां पहुंचने के बाद उन्होंने कुछ समय रामबाग पैलेस में आराम किया। शाम को वे सीधे ईपी मिराज सिनेमाघर पहुंचीं, जहां मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के साथ फिल्म की विशेष स्क्रीनिंग आयोजित की गई। इस मौके पर फिल्म को देखने के लिए जयपुर और आसपास के क्षेत्रों से 200 से अधिक नर्सों को आमंत्रित किया गया था। फिल्म में नर्सों के जीवन, उनके संघर्ष और समाज में उनकी भूमिका को प्रमुखता से दिखाया गया है। इसलिए यह स्क्रीनिंग उनके लिए भी विशेष महत्व रखती थी। 26/11 हमले की अनकही कहानी को सामने लाती है फिल्म फिल्म ‘भारत भाग्य विधाता’ साल 2008 में हुए 26/11 मुंबई आतंकी हमलों पर आधारित है। यह फिल्म केवल आतंकी हमलों की कहानी नहीं कहती, बल्कि उन लोगों के जीवन को भी सामने लाती है, जो इस त्रासदी के दौरान और उसके बाद चुपचाप अपने कर्तव्यों को निभाते रहे। फिल्म का पहला हिस्सा नर्सों के जीवन और उनके संघर्षों पर केंद्रित है। इसमें दिखाया गया है कि स्वास्थ्य सेवाओं की रीढ़ मानी जाने वाली नर्सों को अक्सर वह सम्मान नहीं मिल पाता, जिसकी वे हकदार होती हैं। मरीजों की सेवा में दिन-रात जुटी रहने वाली नर्सों का योगदान कई बार डॉक्टरों की चमक के पीछे दब जाता है, जबकि चिकित्सा व्यवस्था में उनकी भूमिका बेहद महत्वपूर्ण होती है। समाज की अनदेखी सच्चाई को उजागर करती है फिल्म फिल्म में यह भी दिखाया गया है कि नर्सिंग पेशे से जुड़ी महिलाओं को व्यक्तिगत जीवन में भी कई चुनौतियों का सामना करना पड़ता है। परिवार और समाज में सम्मान की कमी, कठिन कार्य परिस्थितियां और विवाह जैसे सामाजिक पहलुओं में आने वाली बाधाएं फिल्म का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। निर्देशक मनोज तापड़िया ने बताया कि फिल्म का उद्देश्य केवल मनोरंजन करना नहीं, बल्कि समाज के उन वर्गों की आवाज बनना है, जिनके संघर्ष अक्सर नजरअंदाज कर दिए जाते हैं। नर्सें स्वास्थ्य व्यवस्था की सबसे मजबूत कड़ी हैं। उनकी भूमिका को सम्मान मिलना चाहिए। कलाकारों ने निभाए प्रभावशाली किरदार फिल्म में कंगना रनौत के अलावा गिरिजा ओक, स्मिता तांबे, आशा शेलार, प्रिया अर्जुन बेर्डे, जाहिद खान और सुहिता थट्टे ने महत्वपूर्ण भूमिकाएं निभाई हैं। सभी कलाकारों ने अपने किरदारों को संवेदनशीलता और प्रभावशाली तरीके से पर्दे पर उतारा है। स्क्रीनिंग के बाद उपस्थित दर्शकों और नर्सिंग समुदाय से जुड़े लोगों ने फिल्म की सराहना की। उनका कहना था कि यह फिल्म नर्सों के जीवन के उन पहलुओं को सामने लाती है, जिन पर आमतौर पर चर्चा नहीं होती। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने भी फिल्म की सराहना करते हुए कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं में नर्सों का योगदान अमूल्य है। ऐसी फिल्में समाज को उनके प्रति संवेदनशील बनाने का कार्य करती हैं। कंगना रनौत ने भी दर्शकों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह फिल्म उन अनसुने नायकों को समर्पित है, जो हर परिस्थिति में मानवता की सेवा में जुटे रहते हैं।
वैभव के बाद अब छोटे भाई आशीर्वाद भी चर्चा में:10 साल की उम्र में पहला शतक; पिता बोले- प्यार और आशीर्वाद बनाए रखें

15 साल के वैभव सूर्यवंशी के छोटे भाई आशीर्वाद सूर्यवंशी भी चर्चा में हैं। 10 साल के आशीर्वाद ने समस्तीपुर में खेले गए एक लोकल प्रैक्टिस मैच में शतक जड़ दिया। क्रिकेट अकादमी ताजपुर की ओर से खेलते हुए उन्होंने 87 गेंदों पर 103 रन बनाए। आशीर्वाद ने 20 चौके और एक छक्का भी लगाया। उनका स्ट्राइक रेट 118.39 रहा। राइट हैंड बल्लेबाज आशीर्वाद की इस पारी की जानकारी सबसे पहले उनके बड़े भाई उज्ज्वल सूर्यवंशी ने इंस्टाग्राम स्टोरी के जरिए शेयर की। उन्होंने शतक का फोटो, वीडियो और स्कोरकार्ड पोस्ट किया। उज्ज्वल ने पोस्ट के साथ हार्ट इमोजी भी शेयर की। पिता ने कहा- आशीर्वाद पर भी प्यार बनाए रखें आशीर्वाद के शतक के बाद पिता संजीव सूर्यवंशी ने भी सोशल मीडिया पर खुशी जाहिर की। उन्होंने फेसबुक पोस्ट में लिखा, मेरे छोटे बेटे आशीर्वाद सूर्यवंशी ने आज प्रैक्टिस मैच में अपना पहला शतक बनाया। आप सभी से अनुरोध है कि आशीर्वाद पर भी अपना प्यार और आशीर्वाद बनाए रखें। संजीव इससे पहले भी कह चुके हैं कि वे आशीर्वाद को भी आने वाले दो साल में वैभव की तरह एक बेहतरीन क्रिकेटर बनाना चाहते हैं। वैभव की तरह बैटिंग करते हैं आशीर्वाद आशीर्वाद सूर्यवंशी बिहार में क्रिकेट की ट्रेनिंग ले रहे हैं। वे बड़े भाई वैभव की तरह अटैकिंग बल्लेबाजी के लिए जाने जाते हैं। आशीर्वाद की शतकीय पारी की बदौलत क्रिकेट अकादमी ताजपुर ने 29.5 ओवर में 4 विकेट पर 234 रन बनाए। टीम के लिए शिवम राज ने 75 गेंदों में 52 रन का योगदान दिया। शतक पूरा करने के बाद आशीर्वाद ने हेलमेट उतारकर जश्न मनाया। उनकी तस्वीरें वायरल हो रही हैं। वैभव सबसे कम उम्र में भारतीय टीम में चुने गए आशीर्वाद के बड़े भाई वैभव सूर्यवंशी इस समय भारतीय क्रिकेट का चर्चित नाम हैं। 6 जून को उनका चयन आयरलैंड और इंग्लैंड के खिलाफ टी-20 सीरीज तथा एशियन गेम्स के लिए भारतीय टीम में हुआ। 15 साल 71 दिन की उम्र में टीम इंडिया में जगह बनाकर वे भारत के लिए चुने जाने वाले सबसे युवा क्रिकेटर बन गए। वैभव ने इस मामले में शेफाली वर्मा और सचिन तेंदुलकर का रिकॉर्ड पीछे छोड़ दिया। शेफाली पहली बार 15 साल 220 दिन की उम्र में भारतीय टीम में चुनी गई थीं, जबकि सचिन को 16 साल 194 दिन की उम्र में राष्ट्रीय टीम में मौका मिला था। IPL में जीती ऑरेंज कैप वैभव इस समय श्रीलंका-A दौरे पर भारतीय टीम के साथ हैं। उन्होंने अब तक दो मैचों में 58 रन बनाए हैं। इससे पहले IPL 2026 में उन्होंने 776 रन बनाकर ऑरेंज कैप अपने नाम की थी। वैभव को मोस्ट वैल्युएबल प्लेयर, इमर्जिंग प्लेयर ऑफ द ईयर, सुपर स्ट्राइकर और सबसे ज्यादा छक्के लगाने का पुरस्कार भी मिला था। उन्होंने इसी सीजन 36 गेंदों पर शतक जड़कर नया रिकॉर्ड बनाया था। वैभव तीन भाइयों में मंझले हैं वैभव सूर्यवंशी तीन भाइयों में मंझले हैं। उनके बड़े भाई का नाम उज्ज्वल सूर्यवंशी है, जबकि सबसे छोटे भाई आशीर्वाद सूर्यवंशी हैं। पिता संजीव सूर्यवंशी और मां आरती सूर्यवंशी ने दोनों बेटों के क्रिकेट करियर में अहम भूमिका निभाई है।
महाराष्ट्र में बड़ा राजनीतिक बदलाव! कांग्रेस अध्यक्ष हर्षवर्द्धन सपकाल का मेगा अलायंस ब्लूप्रिंट

महाराष्ट्र कांग्रेस अध्यक्ष ने इस बात पर जोर दिया कि केवल कांग्रेस ही प्रभावी ढंग से भाजपा को चुनौती दे सकती है, उन्होंने एनसीपी और टीएमसी जैसे छोटे दलों के साथ संभावित गठबंधन का संकेत दिया। राज्य में राजनीतिक गतिशीलता में बदलाव के साथ, विशेष रूप से यूबीटी के साथ संभावित विलय के बारे में अटकलें उठती हैं। n18oc_politicsn18oc_breaking-newsn18oc_indiaNews18 मोबाइल ऐप – https://onelink.to/desc-youtube
सीलन के उपाय: बहस में आने से पहले ही कर लें ये 5 काम, बाकी सीलन से फूल होगा फर्नीचर

बहस के दौरान हवा में समानता बढ़ती है, जिससे दीवारें, प्लास्टिक और लकड़ी के फर्नीचर पर सीलन का असर दिखता है। छवि: एआई दीवार से न खरीदें फर्नीचर: अलमारी, बिस्तर और अलमारियों की दीवार से 2-3 इंच दूर। इससे हवा का प्रवाह बना रहेगा और सीधे फर्नीचर तक सीमित नहीं रहेगा। छवि: एआई लकड़ी को तैयार सुरक्षा कवच: डिफॉल्ट से पहले फर्नीचर पर माइक्रोवेव या प्रतिज्ञा करवा लें। यह शब्दावली को लकड़ी के अंदर जाने से रोकने में मदद करता है। छवि: एआई हवा का आना-जाना जरूरी: रोज़ कुछ समय के लिए खोजें और दरवाजे खोलें। इससे घर में ताजी हवा लगेगी और सीलन की संभावना कम होगी। छवि: एआई सिलिका जेल का उपयोग:क्लासिट और दाराज में सिलिका जेल कीट या मॉइस्चर एब्जॉर्बर स्थान। ये अतिरिक्त किताबों का सामान सुरक्षित है। छवि: एआई छोटी समस्या न बने बड़ा नुकसान: अगर दीवारों में दाग या पानी उगने की समस्या है, तो बारिश से पहले सफाई करवा लें। इससे सीलन बनने का खतरा कम होगा। छवि: फ्रीपिक कच्ची पोशाकें घर में बहुत देर से न सुखीं। फर्नीचर की नियमित सफाई। कमरे में फिनलै स्टाइक रहना। फंगस देखें तो तुरंत साफ करें। छवि: फ्रीपिक दुविधा से पहले ये 5 आसान काम आप अपना घर और फर्नीचर को सीलन, टूटने और नुकसान से बचा सकते हैं। अभी से तैयारी शुरू करें और बारिश के मौसम में बिना किसी चिंता के आनंद लें। छवि: फ्रीपिक
दिव्यांका त्रिपाठी ने शेयर की जुड़वा बच्चों की पहली झलक:पोस्ट में लिखा- मुझे चुनने के लिए शुक्रिया; शादी के 10 साल बाद बने माता-पिता

टीवी एक्ट्रेस दिव्यांका त्रिपाठी और उनके पति विवेक दहिया हाल ही में जुड़वां बेटों के माता-पिता बने हैं। मई महीने में बेटों के जन्म के बाद दिव्यांका ने आज सोशल मीडिया पर उनकी पहली झलक शेयर की है। उन्होंने इंस्टाग्राम पर बच्चों की एक तस्वीर पोस्ट करते हुए लिखा, ‘मुझे चुनने के लिए शुक्रिया।’ दिव्यांका और विवेक की शादी के 10 साल बाद उनके घर पहले बच्चों का जन्म हुआ है। हालांकि इन तस्वीरों में उन्होंने दोनों बेटों का चेहरा नहीं दिखाया है। भगवान से मांगी थी एक खुशी, मिली डबल दिव्यांका और विवेक ने इंस्टाग्राम पर एक जॉइंट पोस्ट शेयर कर बेटों के आने की जानकारी दी थी। “हमने भगवान से एक खुशी मांगी थी, लेकिन उन्होंने हमें डबल दे दी। हमारे घर जुड़वां बेटों का जन्म हुआ है।” विवेक दहिया ने पोस्ट में लिखा कि उनका लंबा इंतजार अब खत्म हो गया है। लड़के आ चुके हैं और जिंदगी पहले से ज्यादा खूबसूरत लग रही है। उन्होंने आगे लिखा, ‘मेरे करण अर्जुन आ गए।’ कपल ने माता-पिता के इस नए सफर के लिए लोगों से आशीर्वाद मांगा है। आगे कपल ने लिखा है, ‘दिव्यांका और मुझे पेरेंटहुड के नए खूबसूरत सफर को शुरू करने के लिए आप सभी के प्यार और आशीर्वाद की जरुरत है।’ शेयर की तस्वीर में लिखा गया है, हमने भगवान से खुशियां मांगीं और भगवान ने कहा, डबल ले लो। हमें जुड़वा बच्चे हुए हैं। मार्च में की थी प्रेग्नेंसी अनाउंस दिव्यांका त्रिपाठी और विवेक ने मार्च में फैंस को गुड न्यूज दी थी। एक्ट्रेस ने बेबी बंप की तस्वीरों के साथ लिखा था, ‘10 साल बाद कहानी में आया सबसे खूबसूरत ट्विस्ट। कुछ सफर जल्दी पूरे करने के लिए नहीं होते। वो साथ-साथ तैयार होने के लिए होते हैं। और जब आपको लगता है कि आपकी कहानी पूरी हो चुकी है। तभी जिंदगी उसमें सबसे खूबसूरत अध्याय जोड़ देती है। अब भी यकीन नहीं हो रहा। बिना वजह मुस्कुरा रहे हैं। दिल में सिर्फ शुक्र और खुशी है। हम माता-पिता बनने वाले हैं।’ देखिए दिव्यांका त्रिपाठी की प्रेग्नेंसी की चुनिंदा तस्वीरें- टीवी के शो के सेट में हुआ प्यार और कर ली शादी दिव्यांका त्रिपाठी और विवेक दाहिया की मुलाकात टीवी शो ये है मोहब्बतें के सेट पर हुई थी। दोनों शो के लीड एक्टर्स थे। साथ काम करते हुए दोनों एक-दूसरे को पसंद करने लगे और फिर जनवरी 2016 में कपल ने सगाई की। सगाई के 5 महीने बाद जुलाई 2016 में दिव्यांका और विवेक की शादी भोपाल में हुई। दिव्यांका त्रिपाठी को टीवी शो बनूं मैं तेरी दुल्हन से देशभर में पहचान मिली थी। इसेक बाद वो ये हैं मोहब्बतें में दिखीं। टीवी शोज के अलावा दिव्यांका कई रियलिटी शो, कई वेब सीरीज और फिल्मों का भी हिस्सा रही हैं। ‘सिनेस्टार्स की खोज’ से शुरू किया था एक्टिंग करियर दिव्यांका त्रिपाठी टीवी इंडस्ट्री का एक बड़ा नाम हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत साल 2004 में रियलिटी शो ‘इंडियाज बेस्ट सिनेस्टार्स की खोज’ से की थी। इसके बाद साल 2006 में आए सीरियल ‘बनू मैं तेरी दुल्हन’ में विद्या का लीड रोल निभाकर वे काफी पॉपुलर हुईं। दिव्यांका ने ‘खाना खजाना’, ‘नचले वे विद सरोज खान’, ‘जोर का झटका’, ‘कॉमेडी सर्कस’ और ‘नच बलिए 8’ जैसे कई शोज में काम किया है। वे ‘खतरों के खिलाड़ी 11’ की रनर-अप भी रही थीं। हाल ही में वे सोनी लिव की सीरीज ‘अदृश्यम’ में इंस्पेक्टर पार्वती सहगल के रोल में नजर आई थीं।
दिव्यांका त्रिपाठी ने शेयर की जुड़वा बच्चों की पहली झलक:पोस्ट में लिखा- मुझे चुनने के लिए शुक्रिया; शादी के 10 साल बाद बने माता-पिता

टीवी एक्ट्रेस दिव्यांका त्रिपाठी और उनके पति विवेक दहिया हाल ही में जुड़वां बेटों के माता-पिता बने हैं। मई महीने में बेटों के जन्म के बाद दिव्यांका ने आज सोशल मीडिया पर उनकी पहली झलक शेयर की है। उन्होंने इंस्टाग्राम पर बच्चों की एक तस्वीर पोस्ट करते हुए लिखा, ‘मुझे चुनने के लिए शुक्रिया।’ दिव्यांका और विवेक की शादी के 10 साल बाद उनके घर पहले बच्चों का जन्म हुआ है। हालांकि इन तस्वीरों में उन्होंने दोनों बेटों का चेहरा नहीं दिखाया है। भगवान से मांगी थी एक खुशी, मिली डबल दिव्यांका और विवेक ने इंस्टाग्राम पर एक जॉइंट पोस्ट शेयर कर बेटों के आने की जानकारी दी थी। “हमने भगवान से एक खुशी मांगी थी, लेकिन उन्होंने हमें डबल दे दी। हमारे घर जुड़वां बेटों का जन्म हुआ है।” विवेक दहिया ने पोस्ट में लिखा कि उनका लंबा इंतजार अब खत्म हो गया है। लड़के आ चुके हैं और जिंदगी पहले से ज्यादा खूबसूरत लग रही है। उन्होंने आगे लिखा, ‘मेरे करण अर्जुन आ गए।’ कपल ने माता-पिता के इस नए सफर के लिए लोगों से आशीर्वाद मांगा है। आगे कपल ने लिखा है, ‘दिव्यांका और मुझे पेरेंटहुड के नए खूबसूरत सफर को शुरू करने के लिए आप सभी के प्यार और आशीर्वाद की जरुरत है।’ शेयर की तस्वीर में लिखा गया है, हमने भगवान से खुशियां मांगीं और भगवान ने कहा, डबल ले लो। हमें जुड़वा बच्चे हुए हैं। मार्च में की थी प्रेग्नेंसी अनाउंस दिव्यांका त्रिपाठी और विवेक ने मार्च में फैंस को गुड न्यूज दी थी। एक्ट्रेस ने बेबी बंप की तस्वीरों के साथ लिखा था, ‘10 साल बाद कहानी में आया सबसे खूबसूरत ट्विस्ट। कुछ सफर जल्दी पूरे करने के लिए नहीं होते। वो साथ-साथ तैयार होने के लिए होते हैं। और जब आपको लगता है कि आपकी कहानी पूरी हो चुकी है। तभी जिंदगी उसमें सबसे खूबसूरत अध्याय जोड़ देती है। अब भी यकीन नहीं हो रहा। बिना वजह मुस्कुरा रहे हैं। दिल में सिर्फ शुक्र और खुशी है। हम माता-पिता बनने वाले हैं।’ देखिए दिव्यांका त्रिपाठी की प्रेग्नेंसी की चुनिंदा तस्वीरें- टीवी के शो के सेट में हुआ प्यार और कर ली शादी दिव्यांका त्रिपाठी और विवेक दाहिया की मुलाकात टीवी शो ये है मोहब्बतें के सेट पर हुई थी। दोनों शो के लीड एक्टर्स थे। साथ काम करते हुए दोनों एक-दूसरे को पसंद करने लगे और फिर जनवरी 2016 में कपल ने सगाई की। सगाई के 5 महीने बाद जुलाई 2016 में दिव्यांका और विवेक की शादी भोपाल में हुई। दिव्यांका त्रिपाठी को टीवी शो बनूं मैं तेरी दुल्हन से देशभर में पहचान मिली थी। इसेक बाद वो ये हैं मोहब्बतें में दिखीं। टीवी शोज के अलावा दिव्यांका कई रियलिटी शो, कई वेब सीरीज और फिल्मों का भी हिस्सा रही हैं। ‘सिनेस्टार्स की खोज’ से शुरू किया था एक्टिंग करियर दिव्यांका त्रिपाठी टीवी इंडस्ट्री का एक बड़ा नाम हैं। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत साल 2004 में रियलिटी शो ‘इंडियाज बेस्ट सिनेस्टार्स की खोज’ से की थी। इसके बाद साल 2006 में आए सीरियल ‘बनू मैं तेरी दुल्हन’ में विद्या का लीड रोल निभाकर वे काफी पॉपुलर हुईं। दिव्यांका ने ‘खाना खजाना’, ‘नचले वे विद सरोज खान’, ‘जोर का झटका’, ‘कॉमेडी सर्कस’ और ‘नच बलिए 8’ जैसे कई शोज में काम किया है। वे ‘खतरों के खिलाड़ी 11’ की रनर-अप भी रही थीं। हाल ही में वे सोनी लिव की सीरीज ‘अदृश्यम’ में इंस्पेक्टर पार्वती सहगल के रोल में नजर आई थीं।
फ्रिज टिप्स: घर से बाहर जाने से पहले फ्रिज में रखी 1 रुपये की छुट्टी, जानिए क्या है ये वायरल ट्रिक के पीछे का रहस्य

फ़िरोज़ में एक रुपये का स्टॉक स्थिर रहता है। अगर लंबे समय तक बिजली गुल रहती है, तो रेफ्रिजरेटर में बर्फ पिघलने लगती है। छवि: एआई इस प्रक्रिया में यदि आपका खाना खराब हो गया है, तो आप उससे पूछ सकते हैं कि आप फूड पॉइज़निंग का शिकार हो सकते हैं। एक छोटा सा सा सूडानी डेंजर से बचाव में एक सुरक्षा कवच का काम करता है। छवि: एआई बस एक टैंकर, पानी और 1 रुपये के सिक्के की जरूरत है। बोतल को पानी से भरें और उसे रेफ्रिजरेटर में पूरी तरह से जमा लें। जब पानी बर्फ की ठोस परत बन जाए, तो सिक्कों को बर्फ के बिल्कुल ऊपर रख दें। छवि: एआई अब इस पोर्टेबल रेफ्रिजरेटर को वापस रख लें और अन्य जगहों पर भी फ्री रखें। जब आप वापस लौटें तो सबसे पहले उस सिक्के की स्थिति का अवलोकन करें। सिक्के की जगह यह तय करती है कि आपको क्या करना चाहिए। छवि: एआई बर्फ़ के ऊपर ही जमी हुई है, तो इसका मतलब है कि रेफ़्रिजरेटर लगातार ठंडा हो रहा है और खाना सुरक्षित है। यदि थोड़ा सा नीचे धंसा हुआ है, तो संकेत है कि बिजली कुछ समय के लिए चली गई थी और बर्फ के टुकड़े के रूप में पिघल गई थी। छवि: एआई रबड़ के काफी बड़े हिस्से तक पहुंच का भुगतान किया गया है, तो यह स्पष्ट है कि फ़िज़ लंबे समय तक बंद रहा और बर्फ पूरी तरह से पिघल गई थी। ऐसी स्थिति में फर्म में रखा गया भोजन खराब होने की पूरी आशंका है। छवि: एआई थोक वृद्धि से फ़र्ज़ी में दूध, मांस, दही और अन्य उत्पादों के उत्पाद बहुत तेजी से खराब हो रहे हैं। कोल्ड फूड का सेवन करने से फूड पॉइजनिंग का खतरा बढ़ जाता है। छवि: एआई (टैग्सटूट्रांसलेट)फ्रिज हैक्स(टी)खाद्य सुरक्षा टिप्स(टी)1 रुपये का सिक्का ट्रिक(टी)रसोई टिप्स(टी)ग्रीष्मकालीन खाद्य सुरक्षा(टी)रेफ्रिजरेटर रखरखाव(टी)कैसे जांचें कि फ्रिज का खाना सुरक्षित है या नहीं






