रेपिस्ट के रोल पर नाना ने डायरेक्टर को गालियां दीं:'परिंदा' के क्लाईमैक्स में आग से झुलसे, आर्मी जॉइन करने के लिए रक्षामंत्री को फोन किया

बॉलीवुड के दिग्गज एक्टर नाना पाटेकर का गुरुवार को 75 साल की उम्र में निधन हो गया। गोवा के डोना पाउला स्थित उनके घर पर उन्हें गंभीर कार्डियक अरेस्ट आया था। इसके बाद उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां करीब 45 मिनट तक CPR देने की कोशिश की गई, लेकिन उन्हें बचाया नहीं जा सका। नाना पाटेकर का करीब पांच दशक लंबा फिल्मी करियर रहा। उन्होंने थिएटर से शुरुआत की और बाद में फिल्मों का रुख किया। गमन, अंकुश, परिंदा, क्रांतिवीर, तिरंगा, अब तक छप्पन, अपहरण और वेलकम जैसी फिल्मों में उन्होंने यादगार भूमिकाएं निभाई थीं। 1 जनवरी, 1951 को महाराष्ट्र के रायगढ़ जिले के गांव मुरुद-जंजीरा में जन्मे विश्वनाथ गजानन पाटेकर, जिन्हें दुनिया ने नाना पाटेकर के नाम से जाना। नाना बचपन से ही बाकी बच्चों से अलग रहे। तेवर में बगावती सुर थे। समाज की कुरीतियों को कला के माध्यम से दिखाना चाहते थे। इसलिए पहले थिएटर में आए, फिर फिल्मों का रुख किया। नाना अपने गुस्सैल स्वभाव के लिए भी चर्चा में रहते थे। जब रवि चोपड़ा ने इन्हें रेपिस्ट का रोल ऑफर किया तो इन्होंने गाली दे दी थी। फिल्म परिंदा की शूटिंग के वक्त नाना और फिल्म के डायरेक्टर विधु विनोद चोपड़ा भिड़ गए थे। नाना पाटेकर से जुड़े कुछ खास किस्से.. 13 साल की उम्र, दिन में 16 किमी पैदल चलते थे नाना के पिता टेक्सटाइल पेंटिंग का एक छोटा सा बिजनेस चलाते थे। नाना जब 13 साल के थे, तभी किसी ने पिता के साथ फ्रॉड कर दिया। रातों-रात बिजनेस चौपट हो गया। सारी प्रॉपर्टी बिक गई। पैसे कमाने के लिए नाना को भी सड़क पर आना पड़ा। वे सुबह स्कूल जाते, शाम में फिल्म के पोस्टर्स पेंट करते थे। जहां पोस्टर पेंट करते थे, वहां से घर की दूरी 8 किलोमीटर थी। इस तरह दिन में 16 किलोमीटर की दूरी पैदल ही तय करते थे। इस काम के लिए हर महीने 35 रुपए मिलते थे। यह बात 1963 के आस-पास की है। पैसों की इतनी किल्लत थी कि कभी-कभार खाना भी नसीब नहीं होता था। लंच या डिनर टाइम में नाना यूं ही अपने दोस्तों से मिलने चले जाते थे। इस उम्मीद में कि सामने से कोई दो रोटी खाने को पूछ ले। टीचर बगल में बिठाते थे, ताकि मारने के लिए बार-बार उठना न पड़े नाना बचपन में बहुत शरारती थे। इतने शरारती कि टीचर इन्हें बगल में बिठाकर रखते थे, ताकि मारने के लिए बार-बार उठना न पड़े। शरारत इतनी बढ़ गई कि नाना की मां ने उन्हें छठी कक्षा के बाद अपनी बहन के गांव भेज दिया। मां को लगा कि दूसरी जगह जाएगा तो सुधर जाएगा। नाना अपनी मौसी के घर एक-दो साल रहे, फिर वापस लौट आए। मौसी ने ही उन्हें वापस भेज दिया। उन्हें डर था कि नाना की संगत में कहीं उन्हीं के बच्चे न बिगड़ जाएं। खुद को बदसूरत समझते थे, पिता को लेकर पाला था भ्रम नाना अपने आप को दूसरों से कमतर आंकते थे। वे अपने आप को बदसूरत मानते थे। नाना के दोनों भाई लुक में उनसे ठीक थे। नाना को लगता था कि पिता बाकी भाइयों को ज्यादा तवज्जो देते हैं। नाना बचपन से ही गांव-दराज में होने वाले नाटक-ड्रामों में भाग लेते थे। एक बार वे गांव में नाटक कर रहे थे। उनके पिता बंबई (अब मुंबई) से सिर्फ नाटक देखने गांव आ गए। उस वक्त नाना का भ्रम टूट गया कि पिता उनसे प्यार नहीं करते। नाना को उस वक्त एहसास हुआ कि जैसे उन्होंने अपनी कला से पिता को प्रभावित किया, वैसे ही पूरी दुनिया को भी कर सकते हैं। पिता हॉस्पिटल में थे, उनकी दवाई के भी पैसे नहीं थे नाना ने पिता को लेकर जो भ्रम पाला था, वह तो समय के साथ खत्म हो गया, लेकिन एक बात का मलाल आज भी है। नाना अपने पिता के हाथ पर एक रुपया तक नहीं रख पाए। नाना ने यह बात दैनिक भास्कर को दिए एक इंटरव्यू में कही थी। उन्होंने कहा था, ‘मुझे इस बात का गहरा दुख है कि अपनी कमाई से पिता के लिए कुछ नहीं कर पाया। उनका निधन भी एक म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन के अस्पताल में हुआ था। उस वक्त उनकी दवाई के लिए भी मेरे पास पैसे नहीं थे। मेरे दोस्तों ने काफी मदद की। उन्होंने ही मुझे दवा के पैसे दिए थे।’ रेपिस्ट का रोल ऑफर किया तो रवि चोपड़ा को गालियां बक दीं स्मिता पाटिल ने नाना को बी.आर. चोपड़ा के बेटे रवि चोपड़ा के पास भेजा। रवि चोपड़ा उस वक्त फिल्म ‘आज की आवाज’ बना रहे थे। उन्होंने नाना को रेपिस्ट का रोल ऑफर किया। ऑफर सुनते ही नाना भड़क उठे। उन्होंने सबके सामने रवि को गालियां बक दीं। नाना ने कहा कि तुम मुझे ऐरा-गैरा आदमी समझते हो, क्या मैं ऐसा रोल करूंगा? यह कहकर नाना वहां से लौटने लगे। तभी स्मिता पाटिल वहां पहुंच गईं। उन्होंने नाना और रवि, दोनों को समझाया। तब रवि चोपड़ा ने उन्हें मेन विलेन का रोल ऑफर किया। नाना इस बार भी सीधी तरह नहीं माने। उन्होंने कहा कि मैं कर तो लूंगा, लेकिन अपना किरदार खुद लिखूंगा। आखिरकार उन्होंने फिल्म में काम कर लिया था। विधु विनोद चोपड़ा के साथ हाथापाई, नाना का कुर्ता फट गया फिल्म परिंदा की शूटिंग के दौरान विधु विनोद चोपड़ा और नाना पाटेकर में लड़ाई हो गई थी। यह बात खुद विधु ने एक टीवी रियलिटी शो के दौरान स्वीकारी थी। उन्होंने कहा था, ‘नाना हर सीन में गाली देता था। मुझे यह बात बड़ी अजीब लगती थी। मुझे उस वक्त गालियां नहीं आती थीं। नाना बार-बार गालियां दिए जा रहा था। ऊपर से बिना शूटिंग किए घर जाने लगा। मैंने कहा कि पहले पैसे दो, फिर वापस जाओ। कम से कम मेरा नुकसान तो मत कराओ। यही बात कहते हुए मैंने उसका कुर्ता फाड़ दिया। अभी यह सब चल ही रहा था कि कैमरामैन ने शॉट रेडी कर दिया। आप फिल्म देखिए, एक सीन में नाना बनियान में बैठकर रोता दिखाई देगा। वह शॉट झगड़े के तुरंत बाद लिया गया था। खैर, शॉट परफेक्ट हो गया। बाद में नाना ने मुझे गले लगा लिया।’ सेफ्टी गार्ड पहनने से मना किया, आग में झुलसे
एक्टर नाना पाटेकर का 75 की उम्र में निधन:गोवा में घर पर कार्डियक अरेस्ट आया, 45 मिनट CPR के बाद भी नहीं बची जान

दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर का गुरुवार सुबह निधन हो गया। रिपोर्ट के मुताबिक उन्हें गोवा स्थित अपने घर पर हार्ट अटैक आया था। उन्हें बचाने के लिए करीब 45 मिनट तक CPR दी गई, लेकिन उन्हें बचाया नहीं जा सका। डॉ. शेखर सालकर के मुताबिक नाना पाटेकर का सुबह 5:20 बजे निधन हुआ। उनके निधन के बाद मेडिको-लीगल केस (MLC) दर्ज किया गया है और पोस्टमॉर्टम कराया जाएगा। ‘परिंदा’ में विलेन बने, 3 नेशनल अवॉर्ड जीता 1989 की फिल्म ‘परिंदा’ में नाना पाटेकर ने अन्ना का किरदार निभाया, जिसके लिए उन्हें बेस्ट सपोर्टिंग एक्टर का नेशनल फिल्म अवॉर्ड मिला। 1994 की ‘क्रांतिवीर’ के लिए उन्हें बेस्ट एक्टर का नेशनल अवॉर्ड मिला। 1996 की ‘अग्निसाक्षी’ के लिए भी उन्हें बेस्ट सपोर्टिंग एक्टर का नेशनल अवॉर्ड मिला। इस तरह उन्हें करियर में 3 नेशनल फिल्म अवॉर्ड मिले। भारतीय सिनेमा में योगदान के लिए नाना पाटेकर को 2013 में पद्मश्री से सम्मानित किया गया। अपने लंबे फिल्मी करियर में उन्होंने हिंदी के साथ मराठी फिल्मों में भी काम किया। ‘वेलकम’ में उदय शेट्टी बनकर कॉमेडी में भी छाए 2007 में आई फिल्म ‘वेलकम’ में नाना पाटेकर ने गैंगस्टर उदय शेट्टी का किरदार निभाया। इस कॉमेडी रोल को काफी पसंद किया गया। वे इसके सीक्वल ‘वेलकम बैक’ में भी उदय शेट्टी के किरदार में नजर आए। फिल्म प्रहार के लिए मिलिट्री ट्रेनिंग ली थी नाना पाटेकर का भारतीय सेना से जुड़ाव सिर्फ फिल्मों तक सीमित नहीं रहा। फिल्म ‘प्रहार: द फाइनल अटैक’ की तैयारी के दौरान उन्होंने मराठा लाइट इन्फैंट्री के साथ कड़ी सैन्य ट्रेनिंग ली थी। इस ट्रेनिंग में उन्होंने जवानों के साथ रहकर सैन्य जीवन को करीब से समझा। 1999 के कारगिल युद्ध के दौरान भी नाना पाटेकर जवानों के साथ रहे। रिपोर्ट्स के मुताबिक, उन्होंने करीब दो हफ्ते से ज्यादा समय सैनिकों के बीच बिताया और अलग-अलग पोस्ट पर जाकर उनका हौसला बढ़ाया। बाद में उन्होंने बताया कि वे उस दौरान क्विक रिएक्शन टीम का हिस्सा भी रहे थे। नाना पाटेकर ने एक इंटरव्यू में कहा था कि देश के लिए हर व्यक्ति को अपनी तरफ से कुछ न कुछ करना चाहिए। सेना के जवानों के प्रति उनका सम्मान कई मौकों पर सामने आया है। 2016 में उन्होंने कहा था कि उनके लिए देश सबसे पहले है और जवान ही देश के असली हीरो हैं।
'रामायण' फिल्म के मेकर पर इनकम टैक्स रेड की खबर:नमित मल्होत्रा की कंपनी प्राइम फोकस के मुंबई दफ्तरों में जांच; विदेशी लेन-देन से जुड़ा मामला

फिल्म ‘रामायण’ के निर्माता नमित मल्होत्रा की कंपनी ‘प्राइम फोकस लिमिटेड’ के मुंबई स्थित दफ्तरों पर छापेमारी की खबर है। CNBC-TV18 की रिपोर्ट के मुताबिक आयकर विभाग ने यह कार्रवाई विदेशी लेन-देन (फॉरेन रेमिटेंस) में हुई गड़बड़ियों के सिलसिले में की है। नितेश तिवारी के निर्देशन में बन रही बड़ी बजट की फिल्म रामायण की रिलीज से कुछ हफ्ते पहले यह कार्रवाई सामने आई है। विदेशी लेन-देन से जुड़ा है मामला आयकर विभाग की यह सर्च कार्रवाई विदेशों में पैसे भेजने से जुड़ी वित्तीय अनियमितताओं को लेकर की गई है। हालांकि, किस तरह के लेन-देन की जांच की जा रही है और इस कार्रवाई का दायरा कितना बड़ा है, इसे लेकर अब तक कोई आधिकारिक जानकारी या खुलासा नहीं किया गया है। 7 अक्टूबर की सुबह जैसे ही इस रेड की खबर फैली, शेयर बाजार में प्राइम फोकस के शेयरों में तुरंत 8 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई। हाल ही में सेट पर लगी थी मामूली आग आयकर विभाग की यह कार्रवाई मुंबई स्थित प्राइम फोकस स्टूडियोज में ‘रामायण’ के सेट के पास हुई आगजनी की घटना के कुछ दिनों बाद हुई है। उस समय स्टूडियो के पास मामूली आग लग गई थी। हालांकि, इस घटना में कोई हताहत नहीं हुआ था और स्थिति पर काबू पाने के तुरंत बाद शूटिंग का काम दोबारा शुरू कर दिया गया था। 4000 करोड़ के बजट में बन रही है ‘रामायण’ नितेश तिवारी के निर्देशन में बन रही यह फिल्म दो भागों में रिलीज होगी। इस पौराणिक फिल्म को लगभग 4,000 करोड़ रुपए के बजट पर तैयार किया जा रहा है। इसका संगीत ऑस्कर विजेता संगीतकार हंस जिमर और एआर रहमान मिलकर तैयार कर रहे हैं। फिल्म का पहला भाग 5 नवंबर 2026 को दिवाली के मौके पर सिनेमाघरों में रिलीज होगा, जबकि दूसरा भाग दिवाली 2027 में रिलीज करने की योजना है। हॉलीवुड स्तर का काम कर रही है DNEG नमित मल्होत्रा की कंपनी प्राइम फोकस मनोरंजन जगत में विजुअल इफेक्ट्स (VFX), एनिमेशन, पोस्ट-प्रोडक्शन और कंटेंट क्रिएशन का काम करती है। नमित मल्होत्रा इस रामायण फिल्म का निर्माण एक्टर यश की कंपनी ‘मॉन्स्टर माइंड क्रिएशंस’ और ‘DNEG’ के साथ मिलकर कर रही है। DNEG इस फिल्म के विजुअल इफेक्ट्स संभाल रही है। फिल्म में रणबीर कपूर (भगवान राम), साई पल्लवी (माता सीता) और यश (रावण) की भूमिका में हैं। वहीं सनी देओल (हनुमान), रवि दुबे (लक्ष्मण), अरुण गोविल (दशरथ), लारा दत्ता (कैकेयी) और रकुल प्रीत सिंह (शूर्पणखा) के किरदारों में नजर आएंगे। ये खबर भी पढ़ें फिल्म ‘रामायण’ से जारी हुआ अरुण गोविल का पोस्टर:’राजा दशरथ’ के किरदार में दिखे; रामानंद सागर की ‘रामायण’ में राम बने थे रामानंद सागर के टीवी शो रामायण में भगवान राम का किरदार निभाने वाले अरुण गोविल जल्द राजा दशरथ के रोल में नजर आएगे । वह नितेश तिवारी की दो हिस्सों में बन रही फिल्म रामायण में नजर आएंगे। पूरी खबर पढ़ें
फिल्म 'रामायण' से जारी हुआ अरुण गोविल का पोस्टर:'राजा दशरथ' के किरदार में दिखे; रामानंद सागर की 'रामायण' में राम बने थे

रामानंद सागर के टीवी शो रामायण में भगवान राम का किरदार निभाने वाले अरुण गोविल जल्द राजा दशरथ के रोल में नजर आएगे । वह नितेश तिवारी की दो हिस्सों में बन रही फिल्म रामायण में नजर आएंगे। फिल्म निर्माताओं ने आज अरुण गोविल का नया पोस्टर जारी किया। इसमें वह अयोध्या के राजा दशरथ के रूप में दिख रहे हैं। फिल्म में भगवान राम का किरदार रणबीर कपूर निभा रहे हैं। पोस्टर सामने आने के बाद कुछ फैंस इमोशनल हो गए। निर्माताओं ने लिखा, “उन्होंने एक पीढ़ी के लिए राम को जीवंत किया था। अब वह रामायण की दुनिया में अयोध्या के राजा के रूप में लौट रहे हैं। राजा दशरथ के रूप में अरुण गोविल।” पोस्टर पर फैंस की प्रतिक्रिया एक यूजर ने लिखा, “पोस्टर बहुत अच्छी तरह डिजाइन किया गया है। इसमें कई प्रमुख जानकारियां हैं। सिंहासन पर बनी मछली अवध यानी अयोध्या और उत्तर प्रदेश का प्रमुख प्रतीक है।” एक अन्य फैन ने लिखा, “उन्हें राम के रूप में देखने के बाद अरुण गोविल को दशरथ का किरदार निभाते देखना दिलचस्प होगा।” फैन ने कहा, “राम दिव्यता और मर्यादा की मिसाल थे। वहीं, दशरथ के पास सब कुछ था, फिर भी वह एक वचन के कारण खुद को खो बैठे।” उन्होंने आगे लिखा, “दशरथ के किरदार में दुख, प्रेम और बेबसी दिखानी होगी। उनका यह रूप देखना दिलचस्प होगा।” एक अन्य व्यक्ति ने टिप्पणी की, “हमने बचपन से उन्हें श्रीराम के रूप में देखा है। अब उन्हें राजा दशरथ के रूप में देख रहे हैं। सियाराम की जय।” एक यूजर ने लिखा, “मुझे यह पसंद है कि उन्होंने रामानंद सागर के किरदारों को अपने अंदाज में अपनाया है। जय श्रीराम।” फिल्म ‘रामायण’ का पहला गाना ‘जय जय राम’ 14 सितंबर 2026 को गणेश चतुर्थी के अवसर पर रिलीज हुआ था। गाने को श्रेया घोषाल और अरिजीत सिंह ने अपनी आवाज दी है। इसके म्यूजिक को ए.आर. रहमान ने कंपोज, प्रोड्यूस और अरेंज किया है। गाने के लिरिक्स डॉ. कुमार विश्वास ने लिखे हैं। इस फिल्म के म्यूजिक पर ए.आर. रहमान के साथ हॉलीवुड के म्यूजिक कंपोजर हंस जिमर भी काम कर रहे हैं। देखें गाने के वीडियो की झलक- भगवान राम और सीता के विवाह पर केंद्रित है गाना ‘जय जय राम’ के विजुअल्स में सिया-राम के दिव्य संबंध को दिखाया गया है। गाने में भगवान राम और सीता के भव्य विवाह को भी दर्शाया गया है। गाने में भक्ति और आध्यात्मिक भाव को प्रमुखता दी गई है। गाने में ‘जय जय राम’ का बार-बार दोहराव किया गया है, जो इसे मंत्र की तरह प्रस्तुत करता है। लिरिक्स में भगवान राम के प्रति भक्त की आस्था, भरोसे और उनकी शरण में जाने की भावना व्यक्त की गई है। गाने की एक पंक्ति ‘जगत के अंधियारे, हमको घेरे सारे’ जीवन के अंधकार के बीच रोशनी की तलाश को दर्शाती है। गाने में ‘अच्युतम केशवम कृष्ण दामोदरम’ जैसे पारंपरिक श्लोक का भी इस्तेमाल किया गया है। इससे रामायण की ऐतिहासिक और धार्मिक पृष्ठभूमि को आधुनिक संगीत से जोड़ा गया है। बता दें कि नितेश तिवारी की फिल्म ‘रामायण’ के पहले पार्ट का ट्रेलर 30 जुलाई को सुबह 4:15 बजे, ब्रह्म मुहूर्त के शुभ अवसर पर दुनिया भर में लॉन्च किया था। ‘रामायण’ के ट्रेलर को हिंदी, तमिल, तेलुगु, कन्नड़ और मलयालम समेत कई भाषाओं में एक साथ डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर रिलीज किया गया था। देखें ट्रेलर की झलक-
फिल्म 'रामायण' से जारी हुआ अरुण गोविल का पोस्टर:'राजा दशरथ' के किरदार में दिखे; रामानंद सागर की 'रामायण' में राम बने थे

रामानंद सागर के टीवी शो रामायण में भगवान राम का किरदार निभाने वाले अरुण गोविल जल्द राजा दशरथ के रोल में नजर आएगे । वह नितेश तिवारी की दो हिस्सों में बन रही फिल्म रामायण में नजर आएंगे। फिल्म निर्माताओं ने आज अरुण गोविल का नया पोस्टर जारी किया। इसमें वह अयोध्या के राजा दशरथ के रूप में दिख रहे हैं। फिल्म में भगवान राम का किरदार रणबीर कपूर निभा रहे हैं। पोस्टर सामने आने के बाद कुछ फैंस इमोशनल हो गए। निर्माताओं ने लिखा, “उन्होंने एक पीढ़ी के लिए राम को जीवंत किया था। अब वह रामायण की दुनिया में अयोध्या के राजा के रूप में लौट रहे हैं। राजा दशरथ के रूप में अरुण गोविल।” पोस्टर पर फैंस की प्रतिक्रिया एक यूजर ने लिखा, “पोस्टर बहुत अच्छी तरह डिजाइन किया गया है। इसमें कई प्रमुख जानकारियां हैं। सिंहासन पर बनी मछली अवध यानी अयोध्या और उत्तर प्रदेश का प्रमुख प्रतीक है।” एक अन्य फैन ने लिखा, “उन्हें राम के रूप में देखने के बाद अरुण गोविल को दशरथ का किरदार निभाते देखना दिलचस्प होगा।” फैन ने कहा, “राम दिव्यता और मर्यादा की मिसाल थे। वहीं, दशरथ के पास सब कुछ था, फिर भी वह एक वचन के कारण खुद को खो बैठे।” उन्होंने आगे लिखा, “दशरथ के किरदार में दुख, प्रेम और बेबसी दिखानी होगी। उनका यह रूप देखना दिलचस्प होगा।” एक अन्य व्यक्ति ने टिप्पणी की, “हमने बचपन से उन्हें श्रीराम के रूप में देखा है। अब उन्हें राजा दशरथ के रूप में देख रहे हैं। सियाराम की जय।” एक यूजर ने लिखा, “मुझे यह पसंद है कि उन्होंने रामानंद सागर के किरदारों को अपने अंदाज में अपनाया है। जय श्रीराम।” फिल्म ‘रामायण’ का पहला गाना ‘जय जय राम’ 14 सितंबर 2026 को गणेश चतुर्थी के अवसर पर रिलीज हुआ था। गाने को श्रेया घोषाल और अरिजीत सिंह ने अपनी आवाज दी है। इसके म्यूजिक को ए.आर. रहमान ने कंपोज, प्रोड्यूस और अरेंज किया है। गाने के लिरिक्स डॉ. कुमार विश्वास ने लिखे हैं। इस फिल्म के म्यूजिक पर ए.आर. रहमान के साथ हॉलीवुड के म्यूजिक कंपोजर हंस जिमर भी काम कर रहे हैं। देखें गाने के वीडियो की झलक- भगवान राम और सीता के विवाह पर केंद्रित है गाना ‘जय जय राम’ के विजुअल्स में सिया-राम के दिव्य संबंध को दिखाया गया है। गाने में भगवान राम और सीता के भव्य विवाह को भी दर्शाया गया है। गाने में भक्ति और आध्यात्मिक भाव को प्रमुखता दी गई है। गाने में ‘जय जय राम’ का बार-बार दोहराव किया गया है, जो इसे मंत्र की तरह प्रस्तुत करता है। लिरिक्स में भगवान राम के प्रति भक्त की आस्था, भरोसे और उनकी शरण में जाने की भावना व्यक्त की गई है। गाने की एक पंक्ति ‘जगत के अंधियारे, हमको घेरे सारे’ जीवन के अंधकार के बीच रोशनी की तलाश को दर्शाती है। गाने में ‘अच्युतम केशवम कृष्ण दामोदरम’ जैसे पारंपरिक श्लोक का भी इस्तेमाल किया गया है। इससे रामायण की ऐतिहासिक और धार्मिक पृष्ठभूमि को आधुनिक संगीत से जोड़ा गया है। बता दें कि नितेश तिवारी की फिल्म ‘रामायण’ के पहले पार्ट का ट्रेलर 30 जुलाई को सुबह 4:15 बजे, ब्रह्म मुहूर्त के शुभ अवसर पर दुनिया भर में लॉन्च किया था। ‘रामायण’ के ट्रेलर को हिंदी, तमिल, तेलुगु, कन्नड़ और मलयालम समेत कई भाषाओं में एक साथ डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर रिलीज किया गया था। देखें ट्रेलर की झलक-
अमिताभ बच्चन बोले- हमसे बड़ी गुस्ताखी हो गई थी:माधुरी दीक्षित ने KBC में चलवा दी डांस की पुरानी क्लिप; देख शरमा गए बिग बी

एक्ट्रेस माधुरी दीक्षित जल्द ही अमिताभ बच्चन के शो ‘कौन बनेगा करोड़पति 18’ के एक स्पेशल एपिसोड में नजर आएंगी। यह एपिसोड 9 अक्टूबर को रात 9 बजे सोनी टीवी पर प्रसारित होगा। एपिसोड से पहले सोनी टीवी ने दो प्रोमो शेयर किए हैं, जिनमें अमिताभ और माधुरी के बीच मजेदार बातचीत देखने को मिली। पहले प्रोमो में अमिताभ बच्चन ने माधुरी से फिल्म ‘तेजाब’ के गाने ‘एक दो तीन’ के स्टेप को रीक्रिएट करने को लेकर कहा, “एक बार हमसे बड़ी गुस्ताखी हो गई थी। एक फिल्म थी, उसमें हमने ऐसे एक दो तीन किया था।” इसके बाद माधुरी ने मजाकिया अंदाज में कहा, “हम भी दिखा दें?” स्क्रीन पर अमिताभ की 1989 की फिल्म ‘तूफान’ का एक सीन चलाया गया, जिसमें वह ‘एक दो तीन’ गाने पर डांस करते नजर आए। वीडियो खत्म होते ही अमिताभ और दर्शक हंस पड़े। दूसरे प्रोमो में माधुरी ने ‘देवदास’ की चंद्रमुखी का अंदाज दिखाया। ‘काहे छेड़ मोहे’ गाना शुरू होते ही उन्होंने हॉट सीट पर बैठे-बैठे डांस किया। उनकी परफॉर्मेंस देखकर अमिताभ ने कहा, “क्या बात है। इनक्रेडिबल, इनक्रेडिबल, माधुरी जी।” माधुरी जल्द ही ‘कौन बनेगा करोड़पति मराठी’ को होस्ट करती नजर आएंगी। आयुष्मान ने अमिताभ से माफी मांगी वहीं, इससे पहले सारा अली खान और आयुष्मान खुराना हाल ही में टीवी शो ‘कौन बनेगा करोड़पति 18’ में मेहमान बनकर पहुंचे थे। दोनों अपनी आने वाली फिल्म ‘उड़ता तीर’ के प्रमोशन के लिए शो में आए थे। एपिसोड में अमिताभ बच्चन और आयुष्मान ने ‘गुलाबो सिताबो’ से जुड़ी यादें भी शेयर कीं। आयुष्मान ने फिल्म में अमिताभ के किरदार को ‘बुढ़ऊ’ कहने पर उनसे माफी मांगी। आयुष्मान ने कहा, “मैंने फिल्म में आपको बुढ़ऊ कहा, इसके लिए माफी मांगता हूं। आप बुढ़ऊ नहीं हैं। असल जिंदगी में आपमें 84 साल की कोई हरकत नहीं है। आप 28 के हैं।” अमिताभ बच्चन ने इस बात पर मजाकिया अंदाज में जवाब दिया। उन्होंने पूछा, “84 साल की कौन-सी हरकतें होती हैं?” एपिसोड के दौरान अमिताभ ने आयुष्मान और उनके काम की तारीफ भी की। अमिताभ बच्चन ने याद किए संघर्ष के दिन वहीं, हाल ही में शो में अमिताभ बच्चन ने अपने शुरुआती करियर के संघर्ष के दिनों को याद किया। उन्होंने बताया कि फिल्मों में काम पाने के दौरान प्रोड्यूसर्स उनकी लंबी हाइट और छोटे चेहरे को लेकर चिंता जताते थे। एक कंटेस्टेंट विनम्र ने अमिताभ के 1970 के दशक के सिग्नेचर हेयरस्टाइल और लंबे साइडबर्न्स का जिक्र किया। इस पर अमिताभ ने बताया कि उस समय उनके हेयरस्टाइल के पीछे एक खास वजह थी। अमिताभ ने कहा, “शुरुआत में जब हम फिल्मों में आए तो काम मिलने के लिए प्रोड्यूसर दो चीजों पर हमें बोलते थे कि हमारी हाइट लंबी है तो कोई हीरोइन काम नहीं करेगी और दूसरा कि हमारा चेहरा बहुत छोटा है। तो उसको भरने के लिए हमने अपने बाल बढ़ाए और बालों को कनपटी तक उगाया, जिससे हमारा चेहरा भरा-भरा लगे।” अमिताभ बच्चन ने 1969 में मृणाल सेन की फिल्म ‘भुवन शोम’ में नैरेटर के तौर पर सिनेमा से जुड़ने के बाद ख्वाजा अहमद अब्बास की ‘सात हिंदुस्तानी’ से एक्टिंग डेब्यू किया। फिल्म बॉक्स ऑफिस पर सफल नहीं रही। इसके बाद उन्होंने छोटे और सपोर्टिंग रोल किए, जिनमें ‘आनंद’, ‘संजोग’ और ‘बॉम्बे टू गोवा’ शामिल हैं। करियर के शुरुआती दौर में अमिताभ की कई फिल्में बॉक्स ऑफिस पर नहीं चलीं और उन्हें बतौर लीडिंग एक्टर पहचान बनाने के लिए संघर्ष करना पड़ा। फिर 1973 में आई फिल्म ‘जंजीर’ उनके करियर का टर्निंग पॉइंट बनी। फिल्म में इंस्पेक्टर विजय के किरदार ने अमिताभ को एक अलग तरह के हीरो के रूप में पहचान दिलाई। इसके बाद वह बॉलीवुड के ‘एंग्री यंग मैन’ के तौर पर पहचाने जाने लगे। ‘जंजीर’ के बाद ‘दीवार’, ‘शोले’, ‘त्रिशूल’, ‘डॉन’, ‘मुकद्दर का सिकंदर’ और ‘काला पत्थर’ जैसी फिल्मों ने 1970 और 1980 के दशक की शुरुआत में अमिताभ की स्टार इमेज को मजबूत किया। ‘कल्कि 2898 AD’ के सीक्वल में दिखेंगे अमिताभ अमिताभ बच्चन को 2024 में रिलीज हुई नाग अश्विन की ‘कल्कि 2898 AD’ में अश्वत्थामा के किरदार के लिए सराहना मिली थी। फिल्म के सीक्वल में वह दोबारा इस भूमिका में नजर आएंगे। फिल्म का प्रोडक्शन जारी है और इसमें प्रभास और कमल हासन भी अहम भूमिकाओं में होंगे।
अमिताभ बच्चन बोले- हमसे बड़ी गुस्ताखी हो गई थी:माधुरी दीक्षित ने KBC में चलवा दी डांस की पुरानी क्लिप; देख शरमा गए बिग बी

एक्ट्रेस माधुरी दीक्षित जल्द ही अमिताभ बच्चन के शो ‘कौन बनेगा करोड़पति 18’ के एक स्पेशल एपिसोड में नजर आएंगी। यह एपिसोड 9 अक्टूबर को रात 9 बजे सोनी टीवी पर प्रसारित होगा। एपिसोड से पहले सोनी टीवी ने दो प्रोमो शेयर किए हैं, जिनमें अमिताभ और माधुरी के बीच मजेदार बातचीत देखने को मिली। पहले प्रोमो में अमिताभ बच्चन ने माधुरी से फिल्म ‘तेजाब’ के गाने ‘एक दो तीन’ के स्टेप को रीक्रिएट करने को लेकर कहा, “एक बार हमसे बड़ी गुस्ताखी हो गई थी। एक फिल्म थी, उसमें हमने ऐसे एक दो तीन किया था।” इसके बाद माधुरी ने मजाकिया अंदाज में कहा, “हम भी दिखा दें?” स्क्रीन पर अमिताभ की 1989 की फिल्म ‘तूफान’ का एक सीन चलाया गया, जिसमें वह ‘एक दो तीन’ गाने पर डांस करते नजर आए। वीडियो खत्म होते ही अमिताभ और दर्शक हंस पड़े। दूसरे प्रोमो में माधुरी ने ‘देवदास’ की चंद्रमुखी का अंदाज दिखाया। ‘काहे छेड़ मोहे’ गाना शुरू होते ही उन्होंने हॉट सीट पर बैठे-बैठे डांस किया। उनकी परफॉर्मेंस देखकर अमिताभ ने कहा, “क्या बात है। इनक्रेडिबल, इनक्रेडिबल, माधुरी जी।” आयुष्मान ने अमिताभ से माफी मांगी वहीं, इससे पहले सारा अली खान और आयुष्मान खुराना हाल ही में टीवी शो ‘कौन बनेगा करोड़पति 18’ में मेहमान बनकर पहुंचे थे। दोनों अपनी आने वाली फिल्म ‘उड़ता तीर’ के प्रमोशन के लिए शो में आए थे। एपिसोड में अमिताभ बच्चन और आयुष्मान ने ‘गुलाबो सिताबो’ से जुड़ी यादें भी शेयर कीं। आयुष्मान ने फिल्म में अमिताभ के किरदार को ‘बुढ़ऊ’ कहने पर उनसे माफी मांगी। आयुष्मान ने कहा, “मैंने फिल्म में आपको बुढ़ऊ कहा, इसके लिए माफी मांगता हूं। आप बुढ़ऊ नहीं हैं। असल जिंदगी में आपमें 84 साल की कोई हरकत नहीं है। आप 28 के हैं।” अमिताभ बच्चन ने इस बात पर मजाकिया अंदाज में जवाब दिया। उन्होंने पूछा, “84 साल की कौन-सी हरकतें होती हैं?” अमिताभ बच्चन ने याद किए संघर्ष के दिन वहीं, हाल ही में शो में अमिताभ बच्चन ने अपने शुरुआती करियर के संघर्ष के दिनों को याद किया। उन्होंने बताया कि फिल्मों में काम पाने के दौरान प्रोड्यूसर्स उनकी लंबी हाइट और छोटे चेहरे को लेकर चिंता जताते थे। एक कंटेस्टेंट विनम्र ने अमिताभ के 1970 के दशक के सिग्नेचर हेयरस्टाइल और लंबे साइडबर्न्स का जिक्र किया। इस पर अमिताभ ने बताया कि उस समय उनके हेयरस्टाइल के पीछे एक खास वजह थी। अमिताभ ने कहा, “शुरुआत में जब हम फिल्मों में आए तो काम मिलने के लिए प्रोड्यूसर दो चीजों पर हमें बोलते थे कि हमारी हाइट लंबी है तो कोई हीरोइन काम नहीं करेगी और दूसरा कि हमारा चेहरा बहुत छोटा है। तो उसको भरने के लिए हमने अपने बाल बढ़ाए और बालों को कनपटी तक उगाया, जिससे हमारा चेहरा भरा-भरा लगे।” अमिताभ बच्चन ने 1969 में मृणाल सेन की फिल्म ‘भुवन शोम’ में नैरेटर के तौर पर सिनेमा से जुड़ने के बाद ख्वाजा अहमद अब्बास की ‘सात हिंदुस्तानी’ से एक्टिंग डेब्यू किया। फिल्म बॉक्स ऑफिस पर सफल नहीं रही। इसके बाद उन्होंने छोटे और सपोर्टिंग रोल किए, जिनमें ‘आनंद’, ‘संजोग’ और ‘बॉम्बे टू गोवा’ शामिल हैं। करियर के शुरुआती दौर में अमिताभ की कई फिल्में बॉक्स ऑफिस पर नहीं चलीं और उन्हें बतौर लीडिंग एक्टर पहचान बनाने के लिए संघर्ष करना पड़ा। फिर 1973 में आई फिल्म ‘जंजीर’ उनके करियर का टर्निंग पॉइंट बनी। फिल्म में इंस्पेक्टर विजय के किरदार ने अमिताभ को एक अलग तरह के हीरो के रूप में पहचान दिलाई। इसके बाद वह बॉलीवुड के ‘एंग्री यंग मैन’ के तौर पर पहचाने जाने लगे। ‘जंजीर’ के बाद ‘दीवार’, ‘शोले’, ‘त्रिशूल’, ‘डॉन’, ‘मुकद्दर का सिकंदर’ और ‘काला पत्थर’ जैसी फिल्मों ने 1970 और 1980 के दशक की शुरुआत में अमिताभ की स्टार इमेज को मजबूत किया। ‘कल्कि 2898 AD’ के सीक्वल में दिखेंगे अमिताभ अमिताभ बच्चन को 2024 में रिलीज हुई नाग अश्विन की ‘कल्कि 2898 AD’ में अश्वत्थामा के किरदार के लिए सराहना मिली थी। फिल्म के सीक्वल में वह दोबारा इस भूमिका में नजर आएंगे। फिल्म का प्रोडक्शन जारी है और इसमें प्रभास और कमल हासन भी अहम भूमिकाओं में होंगे।
राजपाल यादव को SC ने लगाई फटकार:तत्काल 1.15 करोड़ का ड्राफ्ट जमा कराया, 7 चेक बाउंस मामलों में पेश हुए एक्टर

बॉलीवुड एक्टर राजपाल यादव को बुधवार को सुप्रीम कोर्ट ने फटकार लगाई। कोर्ट ने चेक बाउंस के मामले में तत्काल 1.15 करोड़ रुपये जमा करने का आदेश दिया। साथ ही उन्हें दी गई सजा बढ़ाने की चेतावनी भी दी। इसके बाद राजपाल यादव ने कोर्ट में 1.15 करोड़ रुपये का डिमांड ड्राफ्ट जमा किया, जिसे रजिस्ट्री में जमा करने के निर्देश दिए गए। कोर्ट ने आज राजपाल यादव के 7 चेक बाउंस मामलों में दोषी ठहराए जाने और 3 महीने की सजा के खिलाफ उनकी याचिका पर सुनवाई की। इस दौरान कोर्ट ने राजपाल यादव जज के सामने पेश हुए। यादव ने चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया (CJI) की बेंच से कहा कि ‘अता पता लापता’ फिल्म में उन्हें नुकसान हुआ है। उनके 17 करोड़ रुपये डूब गए और कुल 22 करोड़ रुपये लगे थे, लेकिन फिल्म से एक रुपया भी नहीं कमाया गया। फिल्म एक भी थिएटर में रिलीज नहीं हो पाई थी। बता दें कि राजपाल यादव शाहजहांपुर के बंडा थाना क्षेत्र के कुंडरा गांव के रहने वाले हैं। उनके उपर जिस कंपनी ने केस किया है। उसके मालिक उद्योगपति माधौ गोपाल अग्रवाल भी शाहजहांपुर के निवासी हैं। खबर लगातार अपडेट की जा रही है….
जाह्नवी कपूर ने 360 डिग्री जीभ मोड़ने को बताया टैलेंट:पेरिस फैशन वीक में दिया बयान; सोशल मीडिया पर ट्रोल हुईं

बॉलीवुड एक्ट्रेस जाह्नवी कपूर इन दिनों पेरिस फैशन वीक 2026 में शामिल होने के लिए फ्रांस में हैं। इस दौरान एक इंटरव्यू में उन्होंने अपने एक अजीब हुनर का खुलासा किया। जाह्नवी ने बताया कि वे अपनी जीभ को लगभग 360 डिग्री तक मोड़ सकती हैं। हालांकि उन्होंने खुद इस काम को बेवकूफाना और बेकार बताया। इसके बावजूद सोशल मीडिया पर यूजर्स ने उनका मजाक उड़ाना शुरू कर दिया है और कई लोगों ने उन्हें ट्रोल किया। पेरिस फैशन वीक में दिए इंटरव्यू में किया खुलासा इंटरनेशनल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘द कट’ से बातचीत के दौरान जाह्नवी कपूर से उनके किसी छुपे हुए हुनर (हिडन टैलेंट) के बारे में पूछा गया था। इसके जवाब में जाह्नवी ने हंसते हुए अपनी इस अजीब आदत के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि वे अपनी जीभ को 360 डिग्री तक घुमा सकती हैं। जाह्नवी ने यह भी साफ किया कि यह कोई बड़ी काबिलियत नहीं है, बल्कि यह एक बहुत ही अजीब और किसी काम न आने वाली ट्रिक है। स्कूल के दिनों से जुड़ा है ये टैलेंट जाह्नवी ने इस ट्रिक को सीखने के पीछे की वजह भी शेयर की। उन्होंने बताया कि जब वे स्कूल में पढ़ती थीं, तब बाकी बच्चे अपनी जीभ से अपनी नाक छूने की कोशिश करते थे। वे ऐसा नहीं कर पाती थीं। ऐसे में क्लास के दूसरे बच्चों को प्रभावित करने के लिए उन्होंने अपनी जीभ से कुछ अलग करने की कोशिश शुरू की। धीरे-धीरे उन्होंने अपनी जीभ को मोड़ना सीख लिया और यह उनके लिए दोस्तों के बीच दिखाने वाली एक ट्रिक बन गई। सोशल मीडिया पर यूजर्स ने किया ट्रोल जाह्नवी कपूर का यह बयान सामने आते ही सोशल मीडिया पर लोगों ने उनके बयान का मजाक उड़ना शुरू कर दिया। एक यूजर ने लिखा कि नेपो किड्स के पास यही सब बेकार की ट्रिक्स होती हैं। वहीं दूसरे यूजर ने उनकी तुलना एक्ट्रेस अनन्या पांडे से करते हुए लिखा कि अनन्या के पास भी ऐसा ही टैलेंट था, मुझे लगा था कि ये लोग एक्टिंग सीख रहे होंगे। कई अन्य यूजर्स ने भी इस बयान को गैर-जरूरी बताते हुए एक्ट्रेस को ट्रोल किया। हाल ही में वायरल हुआ डीपफेक वीडियो हाल ही में जान्हवी कपूर की अपनी फिल्म ‘देवरा: पार्ट 1’ के गाने ‘चुट्टामल्ले’ पर बने AI जनरेटेड अश्लील (डीपफेक) वीडियो वायरल हुआ था। इसके बाद एक्ट्रेस ने इस मामले में कड़ी नाराजगी जताई थी। इंस्टाग्राम स्टोरीज पर एक बयान जारी कर उन्होंने तकनीक के इस गलत इस्तेमाल को यौन उत्पीड़न के बराबर बताया। जान्हवी ने कहा कि बिना मर्जी के महिलाओं का ऐसा कंटेंट बनाना उनकी गरिमा का गंभीर उल्लंघन है। इसके साथ ही उन्होंने इस मुद्दे पर खुलकर बोलने और समर्थन देने के लिए अपने को-स्टार जूनियर एनटीआर, चिरंजीवी, विजय देवरकोंडा और खुशबू का आभार व्यक्त किया। टेक्नोलॉजी का गलत इस्तेमाल यौन उत्पीड़न जैसा जान्हवी कपूर ने अपने बयान में लिखा कि महिलाओं को केवल एक वस्तु की तरह दिखाना और उनकी सहमति के बिना एडिटेड कंटेंट फैलाना बेहद गंभीर मामला है। यह आपराधिक कृत्य लगभग यौन उत्पीड़न के ही समान है। उन्होंने कहा कि फिल्म इंडस्ट्री की लगभग हर महिला ने किसी न किसी रूप में इस परेशानी का सामना किया है। अब डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर हर जगह आम महिलाएं भी इसका शिकार हो रही हैं। महिला की सहमति और मर्जी का सम्मान होना चाहिए एक्ट्रेस ने महिलाओं की पसंद और उनके शरीर के प्रति सम्मान देने की बात कही। उन्होंने कहा कि अगर कोई महिला पांच दिन ‘हां’ कहती है और छठे दिन ‘ना’, तो उस ‘ना’ का सम्मान किया जाना चाहिए। मिनीस्कर्ट पहनने का मतलब यह नहीं होता कि कोई उसके नीचे कैमरा लगाए या उसके शरीर का गलत इस्तेमाल करे। महिला किस चीज में सहज है और अपनी सीमा कहां तय करती है, यह फैसला पूरी तरह से उसी का होना चाहिए। ‘अपनी बेटियों को बचाओ’ की जगह सोच बदलने की जरूरत जान्हवी ने आगे कहा कि ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों जगहों पर महिलाओं को सीमाओं के उल्लंघन का सामना करना पड़ता है। उन्होंने सलाह दी कि लोगों को सिर्फ अपनी बेटियों की सुरक्षा करने की बात कहने के बजाय अपनी सोच बदलनी होगी। समाज को ऐसी मानसिकता विकसित करने की जरूरत है जो लोगों को दूसरों की प्राइवेसी और सीमाओं का उल्लंघन करने से रोके। जूनियर एनटीआर और सीनियर एक्टर्स का जताया आभार जान्हवी ने अपने को-स्टार जूनियर एनटीआर का खास तौर पर शुक्रिया अदा किया, जिन्होंने इस वायरल वीडियो के खिलाफ सार्वजनिक रूप से कड़ा बयान दिया था। जान्हवी के मुताबिक, बड़े स्टार्स का ऐसा स्टैंड लेना उन सभी महिलाओं को हिम्मत देता है जो इस तरह के बर्ताव से पीड़ित हैं। उन्होंने मामले में एकजुटता दिखाने के लिए दिग्गज अभिनेता चिरंजीवी, विजय देवरकोंडा और खुशबू सुंदर को भी धन्यवाद कहा। जाह्नवी कपूर का बैकग्राउंड जाह्नवी कपूर बॉलीवुड की दिवंगत दिग्गज एक्ट्रेस श्रीदेवी और फिल्म प्रोड्यूसर बोनी कपूर की बेटी हैं। उन्होंने साल 2018 में फिल्म ‘धड़क’ से अपने बॉलीवुड करियर की शुरुआत की थी। इसके बाद वे ‘गुंजन सक्सेना: द कारगिल गर्ल’, ‘रूही’, ‘मिली’, ‘बवाल’ और ‘मिस्टर एंड मिसेज माही’ जैसी कई फिल्मों में नजर आ चुकी हैं। हाल ही में वे साउथ सिनेमा में भी फिल्म ‘देवरा’ के जरिए अपनी शुरुआत कर चुकी हैं।
यशपाल शर्मा बोले-आइटम डांस और गालियां फिल्म में नहीं:एक्टर ने कहा- दो घंटे में एक पूरी किताब पढ़ने का अनुभव देगी राजस्थानी फिल्म, जयपुर में ‘धूड़’ का ट्रेलर रिलीज

राजस्थानी फिल्म ‘धूड़ (सैंडस्टॉर्म)’ का मंगलवार को जयपुर में एक समारोह के दौरान आधिकारिक ट्रेलर जारी किया गया। यह फिल्म 23 अक्टूबर को राजस्थान सहित देश के चुनिंदा सिनेमाघरों में रिलीज होगी। फिल्म के ट्रेलर लॉन्च के मौके पर बॉलीवुड एक्टर यशपाल शर्मा सहित पूरी टीम मौजूद रही। इस फिल्म को कलाम एकेडमी और समर जैन की प्रस्तुति, सोल ऑफ डेजर्ट प्रोडक्शन की ओर से स्टूडियो ऐनक के सहयोग से तैयार किया गया है। ट्रेलर में राजस्थान का पारंपरिक परिवेश, रेगिस्तानी दृश्य, गांवों की सामाजिक संरचना और परिवार के भीतर चलने वाले संघर्ष को प्रभावशाली तरीके से दिखाया गया है। ‘फिल्म नहीं, दो घंटे में पूरी किताब पढ़ने जैसा अनुभव होगा’ ट्रेलर लॉन्च के दौरान अभिनेता यशपाल शर्मा ने फिल्म को लेकर अपनी बात रखते हुए कहा कि ‘धूड़’ को बनाने में पूरी टीम ने बहुत मेहनत की है। उन्होंने फिल्म की तुलना साहित्य और किताब पढ़ने के अनुभव से करते हुए कहा कि अगर दर्शक केवल आइटम डांस या गालियां सुनने के लिए फिल्म देखने जा रहे हैं, तो यह फिल्म उनके लिए नहीं है। यहां देखिए ट्रेलर लॉन्च के PHOTO’S… यशपाल शर्मा ने कहा कि अगर आप आइटम डांस देखना चाहते हैं या फिर गालियां सुनना चाहते हैं, तो यह फिल्म देखने मत जाना। ये फिल्म आपको पूरी पुस्तक पढ़ने जैसा अहसास करवाएगी। एक फिल्म देखना एक पुस्तक के पढ़ने के बराबर है। दो घंटे में पूरी किताब पढ़ लेंगे, यह मेरी गारंटी है। उन्होंने कहा कि फिल्म देखने के बाद दर्शक साहित्य से जुड़ाव महसूस करेंगे। उनके अनुसार ‘धूड़’ केवल मनोरंजन के लिए बनाई गई फिल्म नहीं है, बल्कि इसकी कहानी और किरदार दर्शकों को एक अलग तरह का सिनेमाई अनुभव देंगे। राजस्थानी फिल्मों के इतिहास में बदलाव की उम्मीद यशपाल शर्मा ने कहा कि उन्हें लगता है कि ‘धूड़’ राजस्थानी फिल्मों के इतिहास में बदलाव लाने वाली फिल्म साबित हो सकती है। उन्होंने फिल्म में काम करने वाले सभी कलाकारों की मेहनत का जिक्र करते हुए कहा कि हर अभिनेता ने अपने किरदार के लिए पूरी मेहनत की है। उन्होंने कहा कि फिल्म में कहानी से लेकर अभिनय और दूसरे तकनीकी पक्षों तक टीम ने गंभीरता से काम किया है। उनका मानना है कि दर्शकों को फिल्म में कई स्तरों पर कुछ अलग देखने को मिलेगा। यशपाल शर्मा के साथ ये कलाकार आएंगे नजर फिल्म में दिग्गज अभिनेता यशपाल शर्मा के साथ अलका अमीन, भवानी सिंह चौहान, विवेक पारीक, प्रवीण चौधरी और वानिकी त्यागी सहित कई कलाकार नजर आएंगे। सभी कलाकारों ने राजस्थान के सामाजिक और सांस्कृतिक परिवेश से जुड़े किरदारों को निभाया है। यशपाल शर्मा ने कहा कि जिस चीज ने उन्हें सबसे पहले ‘धूड़’ से जोड़ा, वह निर्देशक आनंद सिंह चौहान की बनाई हुई दुनिया और किरदारों की ईमानदार लेखनी थी। उनके अनुसार कहानी राजस्थान की मिट्टी से जुड़ी है, लेकिन इसमें मौजूद भावनाएं हर दर्शक को अपने करीब महसूस हो सकती हैं। निर्देशक बोले- राजस्थान की मिट्टी से निकली है कहानी फिल्म के लेखक और निर्देशक आनंद सिंह चौहान ने कहा कि ‘धूड़’ उनके दिल के बेहद करीब है, क्योंकि इसकी कहानी राजस्थान की मिट्टी से निकली है। उन्होंने फिल्म के परिवेश को प्रामाणिक रखने पर खास जोर दिया है। उन्होंने कहा कि टीम ने कोशिश की है कि फिल्म का संसार अपने समय, स्थान और संस्कृति के प्रति पूरी तरह वास्तविक महसूस हो। इसके साथ ही फिल्म का नाटक, संघर्ष और भावनाएं हर दर्शक से जुड़ सकें। ‘हेल्लारो’ के संगीतकार ने तैयार किया फिल्म का संगीत फिल्म का संगीत और गीत-संगीत मेहुल सुरती ने तैयार किया है। मेहुल सुरती को गुजराती फिल्म ‘हेल्लारो’ में अपने प्रशंसित संगीत के लिए जाना जाता है। ‘धूड़’ में संगीत को कहानी और राजस्थान के वातावरण के साथ जोड़ने का प्रयास किया गया है। फिल्म का निर्माण समर जैन, नरेंद्र कृष्णिया, मुकेश पारीक, डी. एस. चौहान और अभिषेक चोपड़ा ने किया है। ‘धूड़ (सैंडस्टॉर्म)’ 23 अक्टूबर को राजस्थान के सिनेमाघरों के साथ देश के चुनिंदा सिनेमाघरों में रिलीज होगी।









