Saturday, 19 Sep 2026 | 07:46 PM

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कॉन्टैक्ट लेंस सुरक्षा: आपकी आँखों में कांटेक्ट लेंस क्या हैं? जान लें कि इसे काफी देर तक सुरक्षित रखा जा सकता है

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आप कब तक कॉन्टैक्ट लेंस पहन सकते हैं: प्लांट के झंझट से बचने और अपने लुक को बेहतर बनाने के लिए कंसल्टेक्ट स्पेक्ट्रम का इस्तेमाल काफी आम हो गया है। ऑफिस जाना हो, कोई पार्टी हो या फिर कॉलेज, बहुत से लोग रोज़ अपनी आँखों में प्लास्टिक लगाना पसंद करते हैं। यह तो शुरू हुआ है, लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि एक दिन या लगातार कई घंटों तक अपनी आंखें सुरक्षित रखें? तो जानें कि कंजेक्टेक्ट स्टॉक स्केल का सही तरीका और सुरक्षित समय क्या है। स्थिर को कितनी देर तक चलाना सुरक्षित है? आंखों के मूल्यांकन के अनुसार, कंसल्टैक्ट स्थिरता की एक निश्चित समय सीमा होती है। एक दिन में ज्यादातर 8 से 10 घंटे तक आपको हीकेंडेंट स्टेक-सेल्स की सुविधा मिलती है। कुछ विशेष प्रकार के सिलिकॉन सिलिकॉन जेल को 12 से 14 घंटे तक पहना जा सकता है, लेकिन यह आपके डॉक्टर की सलाह पर मान्य है।हमारी आंखों की पुतली को स्वस्थ रहने के लिए हवा से सीधे ऑक्सीजन की आवश्यकता होती है। जब हम लंबे समय तक स्टेरॉयड और लाल स्टॉल तक पहुंच गए, तो आंखों तक ऑक्सीजन ठीक से नहीं पहुंच पाई। कौन सा स्थिर उपकरण सोना सही है? यह सबसे बड़ी घटना एक है जो लोग अक्सर करते हैं। समय हमारे बंद हो गए हैं, और अगर अंदर स्टेकलेस लगा हो, तो आंखों को ऑक्सीजन बिल्कुल नहीं मिलती। इससे आंखों में संक्रमण का खतरा कई गुना बढ़ जाता है। गंभीर मामलों में, जैसे कॉर्नियल अल्सर यानी आंखों की रोशनी पर घाव भी हो सकता है, जिससे आंखों की रोशनी जाने का खतरा रहता है। अगर आपको झपकी भी लेनी है, तो पहले अपना स्थिरीकरण लें। किन बातों का रखना होगा खास तरीका? यदि आप नियमित रूप से इलेक्ट्रोस्टैटिक उपकरण रखते हैं, तो अपनी आंखों की सुरक्षा के लिए इन बातों का ध्यान रखना बेहद जरूरी है। हाथों की सफाई: स्थिर को प्लास्टिक, ड्रेन या यूनिट से पहले अपने हाथों को साबुन से अच्छी तरह धोकर सुखा लें। सही समाधान का प्रयोग किया गया: स्थिर को साफ करने और स्टोर करने के लिए हमेशा अच्छे क्वालिटी के स्थिर समाधान का ही उपयोग करें। कभी भी पानी या प्लेस से प्लास्टिक को साफ न करें। पानी से दूरी: नहाते समय, पानी में तैरते समय या बारिश में भीगते समय, कभी भी स्थिर स्थिर स्थिर उपकरण। पानी में मौजूद स्थिर स्थिर उपकरणों से आंखों में गंभीर संक्रमण हो सकता है। मेकअप का सही तरीका: हमेशा पहले पोर्टेबल, और उसके बाद आंखों का मेकअप करें। इसी तरह, मेकअप हटाने से पहले हमेशा के लिए प्लास्टिक को हटा दें। इलेक्ट्रिकल की समाप्ति तिथि: हर स्थिर की एक लाइफ़ है। एक्सपायरी डेट के बाद कभी भी पुराने प्लास्टिक का इस्तेमाल नहीं किया जा सकता। डॉक्टर के पास कब जाएं? अगर आपको स्थिर दर्द या तकलीफ हो रही है या आंखें बहुत ज्यादा लाल हो गई हैं, तो डॉक्टर से सलाह जरूर लें। इसके अलावा अगर आपकी आंखें लगातार पानी में डूबी या खराब दिख रही हैं तो डॉक्टर के पास जरूर जाएं। अगर आपकी आंखों में रोशनी कम हो रही है, तो डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है। इलेक्ट्रानिक इलेक्ट्रोस्टैटिक उपकरण पूरी तरह से सुरक्षित है, आप इसकी गुणवत्ता का सही से पालन करें। अपनी आंखों को आराम दें, साफ-सफाई का ध्यान रखें और तय समय से ज्यादा न खरीदें। यह अवश्य पढ़ें: लौकी का जूस: किन लोगों को नहीं चाहिए लौकी का जूस? फायदे की जगह नुकसान हो सकता है; जानिए सेवन का सही तरीका अस्वीकरण: इस लेख में बताए गए तरीके, तरीके और दावे अलग-अलग विद्वानों पर आधारित हैं। रिपब्लिक भारत लेख में दी गई जानकारी के सही होने का दावा नहीं किया गया है। किसी भी उपचार और सुझाव को पहले डॉक्टर या डॉक्टर की सलाह से अवश्य लें।

एंथ्रोपिक का सबसे एडवांस्ड AI मॉडल दुनियाभर में बंद:अमेरिकी सरकार को साइबर हमले का डर, विदेशी नागरिकों तक पहुंच रोकने का आदेश दिया था

एंथ्रोपिक का सबसे एडवांस्ड AI मॉडल दुनियाभर में बंद:अमेरिकी सरकार को साइबर हमले का डर, विदेशी नागरिकों तक पहुंच रोकने का आदेश दिया था

AI स्टार्टअप कंपनी एंथ्रोपिक ने अपने सबसे एडवांस AI मॉडल्स ‘क्लाउड फेबल 5’ और ‘मिथॉस 5’ को दुनियाभर में बंद कर दिया है। कंपनी ने यह फैसला अमेरिकी सरकार के उस आदेश के बाद लिया है, जिसमें विदेशी नागरिकों के लिए इन मॉडल्स के इस्तेमाल पर रोक लगाने को कहा गया था। अब भारतीयों समेत कोई भी गैर-अमेरिकी नागरिक इनका इस्तेमाल नहीं कर पाएगा। अमेरिकी अधिकारियों ने इसके पीछे नेशनल सिक्योरिटी और साइबर हमलों के खतरे का हवाला दिया है। यह पहली बार है जब किसी सरकार ने हार्डवेयर या चिप्स के बजाय सीधे AI सॉफ्टवेयर के इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगाया है। जेलब्रेक के जरिए साइबर हमले का डर अमेरिकी सरकार को डर है कि इन एडवांस AI मॉडल के जरिए सुरक्षा घेरे को ‘जेलब्रेक’ यानी डिजिटल जेल को बाईपास किया जा सकता है। ऐसा होने पर इनका इस्तेमाल कंप्यूटर सिस्टम्स में कमियां ढूंढने, सरकारी डेटा हैक करने या बैंकिंग सिस्टम और क्रिटिकल इंफ्रास्ट्रक्चर पर बड़े साइबर हमले करने के लिए किया जा सकता है। ‘द वॉल स्ट्रीट जर्नल’ की एक रिपोर्ट के मुताबिक, अमेजॉन के रिसर्चर्स ने एक टेस्टिंग के दौरान कुछ खास प्रॉम्प्ट्स का इस्तेमाल करके एंथ्रोपिक के मॉडल से सॉफ्टवेयर की कुछ कमियां निकलवा ली थीं। इसकी जानकारी अमेरिकी वाणिज्य विभाग को दी गई, जिसके तुरंत बाद यह कड़ा एक्शन लिया गया। कंपनी बोली- पाबंदी का फैसला गलत इस मामले पर एंथ्रोपिक का कहना है कि सरकार का यह फैसला एक बड़ी गलतफहमी का नतीजा है। कंपनी के मुताबिक, जो कमियां पाई गई थीं, वे बहुत सीमित थीं और वैसी कमियां बाजार में मौजूद दूसरे पब्लिक AI मॉडल्स भी ढूंढ सकते हैं। इसके लिए इतने बड़े पैमाने पर पूरी दुनिया में बैन लगाना सही नहीं है। कंपनी ने बताया कि लॉन्चिंग से पहले उन्होंने अमेरिकी सरकारी एजेंसियों और ब्रिटेन के AI सेफ्टी इंस्टीट्यूट के साथ हफ्तों तक इसकी टेस्टिंग की थी, तब किसी को ऐसा कोई बड़ा खतरा नहीं मिला था। कंपनी अब सरकार से बातचीत कर रही है ताकि इस एक्सेस को जल्द से जल्द बहाल किया जा सके। तब तक यूजर्स कंपनी के बाकी पुराने AI मॉडल्स का इस्तेमाल कर सकते हैं। ट्रंप प्रशासन के साथ पहले से चल रहा था विवाद एंथ्रोपिक और ट्रंप प्रशासन के बीच पिछले कुछ महीनों से तनाव चल रहा है। दरअसल, कंपनी ने अमेरिकी सुरक्षा एजेंसियों को डोमेस्टिक सर्विलांस (घरेलू जासूसी) और पूरी तरह से ऑटोमैटिक चलने वाले हथियारों में अपने AI मॉडल का इस्तेमाल करने देने से मना कर दिया था। इसके बाद पेंटागन ने एंथ्रोपिक को ‘सप्लाई-चेन रिस्क’ की लिस्ट में डाल दिया था। यह विवाद ऐसे समय में बढ़ा है जब कंपनी शेयर बाजार में अपना IPO लाने की तैयारी कर रही है, जिससे उसकी मार्केट वैल्यू करीब 1 ट्रिलियन डॉलर (लगभग 92 लाख करोड़ रुपए) आंकी जा रही है। जोहो फाउंडर श्रीधर वेम्बू बोले- ग्लोबलाइजेशन अब खत्म अब तक अमेरिका का ध्यान सिर्फ AI चिप्स और सेमीकंडक्टर टेक्नोलॉजी को दूसरे देशों (विशेषकर चीन) तक पहुंचने से रोकने पर था। लेकिन सॉफ्टवेयर पर लगे इस नए बैन ने पूरी दुनिया को चौंका दिया है। भारतीय टेक कंपनी जोहो के फाउंडर श्रीधर वेम्बू ने इस फैसले पर चिंता जताते हुए इसे भारत के लिए एक बड़ा वेक-अप कॉल बताया है। वेम्बू ने कहा कि अब ग्लोबलाइजेशन खत्म हो चुका है। भारत को अब विदेशी कंपनियों पर निर्भर रहने के बजाय तेजी से अपनी खुद की सॉवरेन AI क्षमताएं डेवलप करनी चाहिए और ओपन-सोर्स मॉडल्स को बढ़ावा देना चाहिए, क्योंकि भविष्य में कोई भी देश कभी भी अपनी टेक्नोलॉजी का एक्सेस बंद कर सकता है। नॉलेज बॉक्स: क्या होता है ‘जेलब्रेक’ और ‘सॉवरेन AI’? जेलब्रेक: AI मॉडल्स में कुछ सुरक्षा नियम सेट किए जाते हैं, ताकि वे बम बनाना, साइबर हमला करना या अवैध काम सिखाने जैसी जानकारियां न दें। जब कोई हैकर या यूजर चालाकी से इन नियमों को तोड़कर AI से प्रतिबंधित जानकारी निकलवा लेता है, तो उसे ‘जेलब्रेक’ कहते हैं। सॉवरेन AI: किसी देश की ओर से खुद के डेटा, इंफ्रास्ट्रक्चर और वैज्ञानिकों की मदद से तैयार किया गया घरेलू AI सिस्टम। इस पर किसी बाहरी देश या विदेशी कंपनी का नियंत्रण नहीं होता। ———— ये खबर भी पढ़ें… मिथॉस AI से बैंकिंग सिस्टम पर साइबर हमले का खतरा: वित्त मंत्री सीतारमण ने हाई-लेवल मीटिंग की; क्या है मिथॉस और यह क्यों खतरनाक वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने गुरुवार को बैंकों के प्रमुखों के साथ एक हाई-लेवल मीटिंग की। इस बैठक में एंथ्रोपिक के ‘क्लॉड मिथॉस’ AI मॉडल से बैंकिंग सेक्टर को होने वाले संभावित खतरों पर चर्चा की गई। यह एआई मॉडल इतना एडवांस है कि हैकर इसका इस्तेमाल दशकों पुरानी अज्ञात खामियों को खोजकर फाइनेंशियल सेक्टर पर साइबर हमले कर सकते हैं। पूरी खबर पढ़ें…

एंथ्रोपिक का सबसे एडवांस्ड AI मॉडल दुनियाभर में बंद:अमेरिकी सरकार को साइबर हमले का डर, विदेशी नागरिकों तक पहुंच रोकने का आदेश दिया था

एंथ्रोपिक का सबसे एडवांस्ड AI मॉडल दुनियाभर में बंद:अमेरिकी सरकार को साइबर हमले का डर, विदेशी नागरिकों तक पहुंच रोकने का आदेश दिया था

AI स्टार्टअप कंपनी एंथ्रोपिक ने अपने सबसे एडवांस AI मॉडल्स ‘क्लाउड फेबल 5’ और ‘मिथॉस 5’ को दुनियाभर में बंद कर दिया है। कंपनी ने यह फैसला अमेरिकी सरकार के उस आदेश के बाद लिया है, जिसमें विदेशी नागरिकों के लिए इन मॉडल्स के इस्तेमाल पर रोक लगाने को कहा गया था। अब भारतीयों समेत कोई भी गैर-अमेरिकी नागरिक इनका इस्तेमाल नहीं कर पाएगा। अमेरिकी अधिकारियों ने इसके पीछे नेशनल सिक्योरिटी और साइबर हमलों के खतरे का हवाला दिया है। यह पहली बार है जब किसी सरकार ने हार्डवेयर या चिप्स के बजाय सीधे AI सॉफ्टवेयर के इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगाया है। जेलब्रेक के जरिए साइबर हमले का डर अमेरिकी सरकार को डर है कि इन एडवांस AI मॉडल के जरिए सुरक्षा घेरे को ‘जेलब्रेक’ यानी डिजिटल जेल को बाईपास किया जा सकता है। ऐसा होने पर इनका इस्तेमाल कंप्यूटर सिस्टम्स में कमियां ढूंढने, सरकारी डेटा हैक करने या बैंकिंग सिस्टम और क्रिटिकल इंफ्रास्ट्रक्चर पर बड़े साइबर हमले करने के लिए किया जा सकता है। ‘द वॉल स्ट्रीट जर्नल’ की एक रिपोर्ट के मुताबिक, अमेजॉन के रिसर्चर्स ने एक टेस्टिंग के दौरान कुछ खास प्रॉम्प्ट्स का इस्तेमाल करके एंथ्रोपिक के मॉडल से सॉफ्टवेयर की कुछ कमियां निकलवा ली थीं। इसकी जानकारी अमेरिकी वाणिज्य विभाग को दी गई, जिसके तुरंत बाद यह कड़ा एक्शन लिया गया। कंपनी बोली- पाबंदी का फैसला गलत इस मामले पर एंथ्रोपिक का कहना है कि सरकार का यह फैसला एक बड़ी गलतफहमी का नतीजा है। कंपनी के मुताबिक, जो कमियां पाई गई थीं, वे बहुत सीमित थीं और वैसी कमियां बाजार में मौजूद दूसरे पब्लिक AI मॉडल्स भी ढूंढ सकते हैं। इसके लिए इतने बड़े पैमाने पर पूरी दुनिया में बैन लगाना सही नहीं है। कंपनी ने बताया कि लॉन्चिंग से पहले उन्होंने अमेरिकी सरकारी एजेंसियों और ब्रिटेन के AI सेफ्टी इंस्टीट्यूट के साथ हफ्तों तक इसकी टेस्टिंग की थी, तब किसी को ऐसा कोई बड़ा खतरा नहीं मिला था। कंपनी अब सरकार से बातचीत कर रही है ताकि इस एक्सेस को जल्द से जल्द बहाल किया जा सके। तब तक यूजर्स कंपनी के बाकी पुराने AI मॉडल्स का इस्तेमाल कर सकते हैं। ट्रंप प्रशासन के साथ पहले से चल रहा था विवाद एंथ्रोपिक और ट्रंप प्रशासन के बीच पिछले कुछ महीनों से तनाव चल रहा है। दरअसल, कंपनी ने अमेरिकी सुरक्षा एजेंसियों को डोमेस्टिक सर्विलांस (घरेलू जासूसी) और पूरी तरह से ऑटोमैटिक चलने वाले हथियारों में अपने AI मॉडल का इस्तेमाल करने देने से मना कर दिया था। इसके बाद पेंटागन ने एंथ्रोपिक को ‘सप्लाई-चेन रिस्क’ की लिस्ट में डाल दिया था। यह विवाद ऐसे समय में बढ़ा है जब कंपनी शेयर बाजार में अपना IPO लाने की तैयारी कर रही है, जिससे उसकी मार्केट वैल्यू करीब 1 ट्रिलियन डॉलर (लगभग 92 लाख करोड़ रुपए) आंकी जा रही है। जोहो फाउंडर श्रीधर वेम्बू बोले- ग्लोबलाइजेशन अब खत्म अब तक अमेरिका का ध्यान सिर्फ AI चिप्स और सेमीकंडक्टर टेक्नोलॉजी को दूसरे देशों (विशेषकर चीन) तक पहुंचने से रोकने पर था। लेकिन सॉफ्टवेयर पर लगे इस नए बैन ने पूरी दुनिया को चौंका दिया है। भारतीय टेक कंपनी जोहो के फाउंडर श्रीधर वेम्बू ने इस फैसले पर चिंता जताते हुए इसे भारत के लिए एक बड़ा वेक-अप कॉल बताया है। वेम्बू ने कहा कि अब ग्लोबलाइजेशन खत्म हो चुका है। भारत को अब विदेशी कंपनियों पर निर्भर रहने के बजाय तेजी से अपनी खुद की सॉवरेन AI क्षमताएं डेवलप करनी चाहिए और ओपन-सोर्स मॉडल्स को बढ़ावा देना चाहिए, क्योंकि भविष्य में कोई भी देश कभी भी अपनी टेक्नोलॉजी का एक्सेस बंद कर सकता है। नॉलेज बॉक्स: क्या होता है ‘जेलब्रेक’ और ‘सॉवरेन AI’? जेलब्रेक: AI मॉडल्स में कुछ सुरक्षा नियम सेट किए जाते हैं, ताकि वे बम बनाना, साइबर हमला करना या अवैध काम सिखाने जैसी जानकारियां न दें। जब कोई हैकर या यूजर चालाकी से इन नियमों को तोड़कर AI से प्रतिबंधित जानकारी निकलवा लेता है, तो उसे ‘जेलब्रेक’ कहते हैं। सॉवरेन AI: किसी देश की ओर से खुद के डेटा, इंफ्रास्ट्रक्चर और वैज्ञानिकों की मदद से तैयार किया गया घरेलू AI सिस्टम। इस पर किसी बाहरी देश या विदेशी कंपनी का नियंत्रण नहीं होता। ———— ये खबर भी पढ़ें… मिथॉस AI से बैंकिंग सिस्टम पर साइबर हमले का खतरा: वित्त मंत्री सीतारमण ने हाई-लेवल मीटिंग की; क्या है मिथॉस और यह क्यों खतरनाक वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने गुरुवार को बैंकों के प्रमुखों के साथ एक हाई-लेवल मीटिंग की। इस बैठक में एंथ्रोपिक के ‘क्लॉड मिथॉस’ AI मॉडल से बैंकिंग सेक्टर को होने वाले संभावित खतरों पर चर्चा की गई। यह एआई मॉडल इतना एडवांस है कि हैकर इसका इस्तेमाल दशकों पुरानी अज्ञात खामियों को खोजकर फाइनेंशियल सेक्टर पर साइबर हमले कर सकते हैं। पूरी खबर पढ़ें…

मूंग दाल टिक्की रेसिपी: समोसा-पकौड़ा से भर गया मन, तो कम तेल में बनी टोकरी और कुरकुरी मूंग दाल टिक्की; विधि नोट करें

तस्वीर का विवरण

मूंग दाल टिक्की बनाने की सामग्री: 1 कप ढीली मूंग दाल, 1 गुलाब लाल आलू, 1 छोटा कटा प्याज, 2 हरी मिर्च, 1 छोटा टुकड़ा अदरक, हरा धनिया, ½ छोटा बड़ा लाल मिर्च पाउडर, ½ छोटा बड़ा जीरा, छवि: एआई ½ छोटा पिज्जा गरम मसाला, 1 छोटा मसाला चाट मसाला, स्वादानुसार नमक, 2 बड़े पिज्जा या सूजी, तेल। टिक्की का स्वाद ऐसा कि हर कोई तुम्हारा दीवाना न रहे। छवि: एआई मूंग दाल टिक्की बनाने की विधि: सबसे पहले मूंग दाल को अच्छी तरह धोकर 3-4 घंटे के लिए सस्ते दाम पर खरीदें। इसके बाद पानी की औद्योगिक दाल को पीसकर दरदरा पीस लें। ध्यान रखें कि पेस्ट बहुत ज्यादा महीन न हो। छवि: सोशल मीडिया एक बड़ी कटोरी में पिसी हुई दाल, मैश किया हुआ आलू, प्याज, हरी मिर्च, अदरक और हरा धनियां डालें। अब इसमें लाल मिर्च पाउडर, जीरा, गर्म मसाला, चाट मसाला और नमक शामिल है। छवि: एआई अगर मिक्सचर मसाला लगे तो इसमें ब्रेड क्रम्ब्स या सूजी दाल शामिल है। अब हाथों से छोटे-छोटे गोल या चपटी टिक्की बनाकर तैयार कर लें। एक नॉन-स्टिक तवा गरम करें और उस पर थोड़ा सा तेल का पाउडर लगाएं। छवि: एआई अब टिक्कियों को दोनों तरफ से सुनहरा और कुरकुरा होने तक मध्यम गति पर सेंक लें। गरमा-गरम मूंग दाल टिक्की को हरी चटनी, इमली की चटनी या दही के साथ परोसें। छवि: सोशल मीडिया फ़्लोरिडा तो इसे बर्गर या रेज़्यूमे में भी इस्तेमाल किया जा सकता है। टिक्की को ज्यादा से ज्यादा क्रिस्पी बनाने के लिए मिक्स में थोड़ी सूजी मिला लें. अगर आप इसे और मशीनरी बनाना चाहते हैं तो एयर फ्रायर में भी बना सकते हैं। छवि: एआई स्वाद बढ़ाने के लिए इसमें कद्दू, की हुई गाजर या पनीर भी मिला सकते हैं. टिक्की को साधारण-मध्यम आँचल पर ग्रेड, इससे यह बाहर से कुरकुरा और अंदर से कुरकुरा बनेगी। छवि: सोशल मीडिया कम तेल में बनने वाली यह मूंग दाल टिक्की स्वाद और सेहत का बेहतरीन कॉम्बिनेशन है। अगर आप रोज़-रोज़ तली-हुई चीज़ें खाँचे बोर हो गए हैं, तो इस आसान रेसिपी को ज़रूर आज़माएँ। छवि: एआई

IMAX फिल्मों का साल:6 महीने में आएंगी 10 बड़ी फिल्में, बजट 16 हजार करोड़ से भी अधिक

IMAX फिल्मों का साल:6 महीने में आएंगी 10 बड़ी फिल्में, बजट 16 हजार करोड़ से भी अधिक

क्रिस्टोफर नोलन की आगामी फिल्म ‘द ऑडेसी’ 17 जुलाई को रिलीज होनी है, लेकिन भारत में फिल्म की आईमैक्स टिकटों की एडवांस बुकिंग खुलते ही दर्शकों ने रिकॉर्ड स्तर पर सीटें बुक कर ली हैं। रिलीज से करीब 1 महीने पहले ही भारत में इस फिल्म के 1.5 लाख टिकट बिक चुके हैं। नोलन की पिछली ब्लॉकबस्टर फिल्म ‘ओपनहाइमर’ ने 2023 में बुकिंग शुरू होने के इसी चरण में 65 हजार टिकट बेचे थे। ‘द ऑडेसी’ इतिहास की पहली ऐसी फिल्म भी है जो पूरी तरह से आईमैक्स कैमरा पर शूट हुई है। यह यूनानी कवि होमर की प्रसिद्ध महाकाव्य रचना पर आधारित है। कहानी ट्रॉय युद्ध के बाद इथाका के राजा की यात्रा दिखाती है। IMAX फिल्मों के बारे में जानिए – IMAX यानी Image Maximum – स्क्रीन सामान्य थिएटर से कहीं बड़ी होती है। – स्क्रीन में बेहतर रिजॉल्यूशन मिलता है। – विशेष IMAX कैमरों से शूट दृश्य अधिक प्रभावशाली दिखते हैं। साउंड सिस्टम से फिल्म के भीतर होने का एहसास मिलता है। – एक्शन, साइंस-फिक्शन और फैंटेसी फिल्मों के लिए सबसे पसंदीदा फॉर्मेट माना जाता है। एवेंजर्स-ड्यून के नए पार्ट… नोलन ला रहे अपनी सबसे महंगी फिल्म हॉलीवुड अब प्रीमियम स्क्रीन एक्सपीरियंस पर दांव लगा रहा है। द ऑडेसी, एवेंजर्स, ड्यून, सुपरगर्ल और टॉय स्टोरी-5 जैसी फिल्मों समेत सिर्फ 10 बड़ी रिलीज का संयुक्त बजट ₹16 हजार करोड़ रुपए से ज्यादा आंका जा रहा है। सबसे महंगी फिल्मों में एवेंजर्स और द ऑडेसी शामिल हैं, जिनका बजट क्रमशः ₹3,400 करोड़ रु. और ₹2,100 करोड़ रु. के आसपास है। 2026 की सबसे चर्चित फिल्में अगले 6 महीनों में करीब 13 ऐसी फिल्में आने वाली हैं जो आईमैक्स एक्सपीरियंस देंगी। उनमें से कुछ प्रसिद्ध फिल्में ये हैं। Dune : Part Three- रिलीज: 18 दिसंबर, डेनिस की साइंस-फिक्शन का तीसरा पार्ट Toy Story 5- रिलीज: 19 जून, पिक्सर की सबसे लोकप्रिय एनीमेशन फ्रेंचाइजी है। Supergirl- रिलीज: 26 जून, डीसी यूनिवर्स की नई सुपरहीरो फिल्म है। The Odyssey- रिलीज: 17 जुलाई, नोलन की फिल्म, आईमैक्स पर शूट की गई है। Resident Evil- रिलीज: 18 सितंबर, मशहूर हॉरर फ्रेंचाइजी का नया पार्ट आ रहा है। Godzilla Minus Zero- रिलीज: 6 नवंबर, बड़े मॉन्स्टर यूनिवर्स की अगली पेशकश। Avengers: Doomsday- रिलीज: 18 दिसंबर, मार्वल की मेगा इवेंट फिल्म होगी।

बारिश से भारत-अफगानिस्तान मैच में देरी, PHOTOS:धर्मशाला में कलरफुल कॉस्ट्यूम में क्रिकेट फैंस; रेनकोट पहनकर डांस किया; पंजाब-हरियाणा से भी मैच देखने पहुंचे

बारिश से भारत-अफगानिस्तान मैच में देरी, PHOTOS:धर्मशाला में कलरफुल कॉस्ट्यूम में क्रिकेट फैंस; रेनकोट पहनकर डांस किया; पंजाब-हरियाणा से भी मैच देखने पहुंचे

धर्मशाला के हिमाचल प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन (एचपीसीए) स्टेडियम में भारत-अफगानिस्तान के बीच तीन मैचों की सीरीज का पहला वनडे मैच बारिश के कारण डिले किया गया है। दोपहर 1:00 बजे होने वाला टॉस तय समय पर नहीं हो सका। मैच का निर्धारित समय दोपहर 1:30 बजे था, लेकिन आसमान में छाए घने बादलों के कारण खेल शुरू होने में देरी हो रही है। धौलाधार की पहाड़ियों पर घने काले बादल छाए हुए हैं, जिससे मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल गया है। क्षेत्र का तापमान गिरकर 18 से 22 डिग्री सेल्सियस के बीच पहुंच गया है। मौसम विज्ञान केंद्र ने पहले ही पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने के कारण क्षेत्र में भारी बारिश और गरज के साथ ओलावृष्टि की चेतावनी जारी की थी। टॉस और खेल में देरी के बावजूद क्रिकेट फैंस काफी उत्साहित हैं। देश-विदेश के साथ-साथ पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ जैसे पड़ोसी राज्यों से सैंकड़ों दर्शक स्टेडियम पहुंचे हैं। स्कूली बच्चे भी मैच देखने के लिए डटे हुए हैं। कोई रंग-बिरंगे छाते, तो कोई रेनकोट लेकर स्टैंड्स में बैठकर डांस कर रहा है। सभी मैच शुरू होने का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। देखें मैच से जुड़े PHOTOS… भारत की नजर शुभमन-रोहित पर विराट कोहली की गैरमौजूदगी में भारतीय बल्लेबाजी की जिम्मेदारी कप्तान शुभमन गिल, रोहित शर्मा, श्रेयस अय्यर और केएल राहुल पर होगी। एक जनवरी 2025 के बाद वनडे क्रिकेट में शुभमन गिल ने 625 रन बनाए हैं। वहीं रोहित शर्मा ने 17 मैचों में 711 रन बनाए हैं, जिसमें दो शतक और चार अर्धशतक शामिल हैं। टीम मैनेजमेंट नंबर-3 पर ईशान किशन, केएल राहुल और यशस्वी जायसवाल जैसे विकल्पों को भी आजमा सकता है। गेंदबाजी में कुलदीप यादव भारत को लीड करेंगे। उन्होंने 2025 के बाद 22 विकेट लिए हैं। वहीं प्रसिद्ध कृष्णा और अर्शदीप सिंह पर नई गेंद से अच्छी शुरुआत दिलाने की जिम्मेदारी होगी। मैच के रिजल्ट के लिए न्यूनतम खेल का है नियम एक दिवसीय (ODI) अंतरराष्ट्रीय मैच में किसी भी नतीजे तक पहुंचने के लिए यह अनिवार्य है कि दोनों टीमें कम से कम 20-20 ओवर का मैच खेल चुकी हों। जानिए क्या कहते हैं नियम…. टीमों को अंक मिलने का नियम (सीरीज के लिहाज से) यह मुकाबला किसी आईसीसी टूर्नामेंट (जैसे विश्व कप) का हिस्सा नहीं है, बल्कि एक द्विपक्षीय सीरीज है। द्विपक्षीय सीरीज में अंक तालिका का कोई वैश्विक नियम नहीं होता, बल्कि सीरीज की ट्रॉफी जीतने के लिए मैच के परिणाम मायने रखते हैं-

पाकिस्तान में पेट्रोल 4 और डीजल 2 रुपया सस्ता:पेट्रोल 373.78 और हाई-स्पीड डीजल 378.78 रुपया लीटर हुआ, कीमतें आज से लागू

पाकिस्तान में पेट्रोल 4 और डीजल 2 रुपया सस्ता:पेट्रोल 373.78 और हाई-स्पीड डीजल 378.78 रुपया लीटर हुआ, कीमतें आज से लागू

पाकिस्तान सरकार ने पेट्रोल की कीमत में 4 रुपया और हाई स्पीड डीजल (HSD) के दाम में 2 रुपया की कटौती की है। इससे यहां एक लीटर पेट्रोल की कीमत 373.78 रुपया (पाकिस्तानी रुपया) और डीजल की कीमत 378.78 रुपया प्रति लीटर पर आ गई हैं। नई कीमतें आज यानी 13 जून से लागू हो गई हैं। भारत और पाकिस्तान में पेट्रोल-डीजल की कीमतें नोट: ₹- भारतीय रुपया, पाकिस्तान में भारतीय रुपए की वेल्यू 2.93 है। पांच हफ्तों में कुल 41 रुपया प्रति लीटर कम हुए दाम पांच हफ्तों में पेट्रोल की कीमत कुल मिलाकर 41 रुपया प्रति लीटर कम हो चुकी है। इससे पहले यानी पिछले हफ्ते भी सरकार ने पेट्रोल की कीमतों में 4 रुपया प्रति लीटर की कटौती की थी, हालांकि उस समय हाई-स्पीड डीजल (HSD) के दाम में कोई बदलाव नहीं किया गया था और वह 380.78 रुपया पर स्थिर था। ईंधन की कीमतों पर टैक्स का भारी बोझ पाकिस्तान सरकार पेट्रोल पर कुल 125 रुपया प्रति लीटर का टैक्स वसूल रही है। इस टैक्स में पेट्रोलियम लेवी, कस्टम ड्यूटी और क्लाइमेट लेवी जैसी चीजें शामिल हैं। वहीं अगर हाई-स्पीड डीजल (HSD) की बात करें तो इस पर सरकार प्रति लीटर करीब 100 रुपये का टैक्स चार्ज कर रही है। इसमें कस्टम ड्यूटी, पेट्रोलियम लेवी और क्लाइमेट सपोर्ट लेवी के साथ-साथ इनलैंड फ्रेड इक्वलाइजेशन मार्जिन (IFEM) भी शामिल है। हर हफ्ते शुक्रवार रात को तय हो रहे दाम पाकिस्तान सरकार पिछले कुछ समय से हर हफ्ते शुक्रवार रात को पेट्रोलियम कीमतों की समीक्षा कर रही है। दरअसल, 28 फरवरी से अमेरिका और ईरान के बीच शुरू हुए युद्ध (जो फिलहाल थमा हुआ है) के बाद से ही पाकिस्तान में ईंधन संकट है।

पाकिस्तान में पेट्रोल 4 और डीजल 2 रुपया सस्ता:पेट्रोल 373.78 और हाई-स्पीड डीजल 378.78 रुपया लीटर हुआ, कीमतें आज से लागू

पाकिस्तान में पेट्रोल 4 और डीजल 2 रुपया सस्ता:पेट्रोल 373.78 और हाई-स्पीड डीजल 378.78 रुपया लीटर हुआ, कीमतें आज से लागू

पाकिस्तान सरकार ने पेट्रोल की कीमत में 4 रुपया और हाई स्पीड डीजल (HSD) के दाम में 2 रुपया की कटौती की है। इससे यहां एक लीटर पेट्रोल की कीमत 373.78 रुपया (पाकिस्तानी रुपया) और डीजल की कीमत 378.78 रुपया प्रति लीटर पर आ गई हैं। नई कीमतें आज यानी 13 जून से लागू हो गई हैं। पांच हफ्तों में कुल 41 रुपया प्रति लीटर कम हुए दाम पांच हफ्तों में पेट्रोल की कीमत कुल मिलाकर 41 रुपया प्रति लीटर कम हो चुकी है। इससे पहले यानी पिछले हफ्ते भी सरकार ने पेट्रोल की कीमतों में 4 रुपया प्रति लीटर की कटौती की थी, हालांकि उस समय हाई-स्पीड डीजल (HSD) के दाम में कोई बदलाव नहीं किया गया था और वह 380.78 रुपया पर स्थिर था। ईंधन की कीमतों पर टैक्स का भारी बोझ पाकिस्तान सरकार पेट्रोल पर कुल 125 रुपया प्रति लीटर का टैक्स वसूल रही है। इस टैक्स में पेट्रोलियम लेवी, कस्टम ड्यूटी और क्लाइमेट लेवी जैसी चीजें शामिल हैं। वहीं अगर हाई-स्पीड डीजल (HSD) की बात करें तो इस पर सरकार प्रति लीटर करीब 100 रुपया का टैक्स लगा रही है। इसमें कस्टम ड्यूटी, पेट्रोलियम लेवी और क्लाइमेट सपोर्ट लेवी के साथ-साथ इनलैंड फ्रेड इक्वलाइजेशन मार्जिन (IFEM) भी शामिल है। हर हफ्ते शुक्रवार रात को तय हो रहे दाम पाकिस्तान सरकार पिछले कुछ समय से हर हफ्ते शुक्रवार रात को पेट्रोलियम कीमतों की समीक्षा कर रही है। दरअसल, 28 फरवरी से अमेरिका और ईरान के बीच शुरू हुए युद्ध के बाद से ही पाकिस्तान में ईंधन संकट है।

‘मैं ममता के साथ रहूंगा’: कल्याण बनर्जी ने अभिषेक के साथ सुलह का संकेत दिया, विद्रोहियों पर निशाना साधा | भारत समाचार

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आखरी अपडेट:13 जून, 2026, 12:37 IST कल्याण बनर्जी ने स्पष्ट किया कि वह मौजूदा संकट के बावजूद ममता के साथ बने रहेंगे, उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि पार्टी का प्राथमिक ध्यान भाजपा के नेतृत्व वाले एनडीए से मुकाबला करना है। टीएमसी सांसद कल्याण बनर्जी (बाएं) ने अभिषेक बनर्जी पर तृणमूल कांग्रेस को नष्ट करने का आरोप लगाया था। (पीटीआई छवि) अनुभवी तृणमूल कांग्रेस नेता कल्याण बनर्जी ने टीएमसी के भीतर चल रहे विद्रोह के बीच पार्टी सुप्रीमो ममता बनर्जी का समर्थन किया है, और काकोली घोष दस्तीदार के नेतृत्व वाले सांसदों के विद्रोही गुट पर तीखा हमला किया है। से बात हो रही है सीएनएन-न्यूज18कल्याण बनर्जी ने यह स्पष्ट कर दिया कि वह मौजूदा संकट के बावजूद ममता के साथ बने रहेंगे, उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि पार्टी का प्राथमिक ध्यान भाजपा के नेतृत्व वाले राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) से मुकाबला करना है। उन्होंने टीएमसी महासचिव अभिषेक बनर्जी को पहले “भ्रष्ट” कहने के बाद उनके साथ सुलह का संकेत देते हुए कहा, “मैंने अभिषेक को बड़े होते देखा है। उन्होंने कहा है कि मैं उन्हें चीजें बता सकता हूं, तो ठीक है। अब हमें एनडीए के खिलाफ लड़ना है।” टीएमसी संकट लाइव अपडेट अभिषेक बनर्जी ने कल्याण बनर्जी की हालिया टिप्पणी पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा, “कल्याण बनर्जी मुझसे बड़े हैं। उन्हें अपने विचार व्यक्त करने का अधिकार है। उन्होंने मुझे बचपन से देखा है। मैं उनके खिलाफ कुछ नहीं बोलूंगा।” कल्याण बनर्जी – टीएमसी प्रमुख ममता बनर्जी के भरोसेमंद सहयोगी और पार्टी के प्रमुख चेहरों में से एक – विद्रोही हो गए क्योंकि उन्होंने उनके भतीजे अभिषेक पर पार्टी को नष्ट करने और अपमानित करने का आरोप लगाया। टीएमसी सांसद ने पार्टी के भीतर विभिन्न शक्ति केंद्रों के बीच संबंधों पर नए सिरे से ध्यान आकर्षित करते हुए, ममता बनर्जी को या तो उन्हें या अभिषेक बनर्जी को चुनने का अल्टीमेटम दिया। कल्याण बनर्जी ने ‘अवसरवादी’ विद्रोहियों पर निशाना साधा वरिष्ठ टीएमसी सांसद ने पार्टी के भीतर एक अलग गुट बनाने वाले बागी सांसदों पर तीखा हमला बोला। उन्होंने विकास के लिए काम करने के उनके दावों पर सवाल उठाते हुए पूछा कि क्या वे उन लोगों से जुड़े रहे हैं जिन्होंने उन्हें चुना था। “ये लोग जो ब्लॉक बना रहे हैं, क्या वे कभी अपने निर्वाचन क्षेत्र में गए हैं? काकोली घोष दस्तीदार अपने निर्वाचन क्षेत्र में क्यों नहीं जा रही हैं?” उसने पूछा. कल्याण ने कहा कि पार्टी उन लोगों के साथ अपनी राजनीतिक लड़ाई जारी रखेगी जो तृणमूल कांग्रेस के प्रति वफादार रहेंगे। उन्होंने कहा, “वे सभी अवसरवादी हैं। हमारे पास जो लोग हैं हम उनसे लड़ेंगे।” उन्होंने पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं के खिलाफ हालिया पुलिस कार्रवाई की भी आलोचना की. तलाशी और जांच का हवाला देते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा के नेतृत्व वाला प्रशासन विपक्षी हस्तियों को निशाना बनाने के लिए राज्य एजेंसियों का इस्तेमाल कर रहा है। उनकी टिप्पणी तब आई है जब टीएमसी एक व्यापक संकट का सामना कर रही है जिसने उसके राजनीतिक भविष्य के बारे में संदेह पैदा कर दिया है। संसदीय स्तर पर काकोली घोष दस्तीदार ने दावा किया है कि करीब 20 सांसद एनडीए में शामिल होने के इच्छुक हैं. चुनी हुई कहानियाँ, आपके इनबॉक्स में हमारी सर्वोत्तम पत्रकारिता वाला एक न्यूज़लेटर जमा करना लेखक के बारे में कमालिका सेनगुप्ता कमलिका सेनगुप्ता CNN-News18 / News18.com में संपादक (पूर्व) हैं, जो राजनीति, रक्षा और महिलाओं के मुद्दों पर ध्यान केंद्रित करती हैं। वह एक अनुभवी मल्टीमीडिया पत्रकार हैं जिनके पास रिपोर्टिंग का 20 वर्षों से अधिक का अनुभव है…और पढ़ें न्यूज़ इंडिया ‘मैं ममता के साथ रहूंगा’: कल्याण बनर्जी ने अभिषेक के साथ सुलह का संकेत दिया, विद्रोहियों पर निशाना साधा अस्वीकरण: टिप्पणियाँ उपयोगकर्ताओं के विचार दर्शाती हैं, News18 के नहीं। कृपया चर्चाएँ सम्मानजनक और रचनात्मक रखें। अपमानजनक, मानहानिकारक, या अवैध टिप्पणियाँ हटा दी जाएंगी। News18 अपने विवेक से किसी भी टिप्पणी को अक्षम कर सकता है. पोस्ट करके, आप हमारी उपयोग की शर्तों और गोपनीयता नीति से सहमत होते हैं। और पढ़ें (टैग्सटूट्रांसलेट) कल्याण बनर्जी टीएमसी(टी)ममता बनर्जी(टी)तृणमूल कांग्रेस विद्रोह(टी)टीएमसी आंतरिक दरार(टी)काकोली घोष दस्तीदार विद्रोही गुट(टी)अभिषेक बनर्जी(टी)ममता बनर्जी नेतृत्व(टी)एनडीए के खिलाफ लड़ाई(टी)बीजेपी के नेतृत्व वाला एनडीए

चीन में जमीन पर गिरकर हैलिकॉप्टर चरखी जैसा घूमता रहा:2 टुकड़ों में टूटा, सीट बेल्ट ने बचाई कॉकपिट में फंसे पायलटों की जान

चीन में जमीन पर गिरकर हैलिकॉप्टर चरखी जैसा घूमता रहा:2 टुकड़ों में टूटा, सीट बेल्ट ने बचाई कॉकपिट में फंसे पायलटों की जान

चीन में हेलिकॉप्टर क्रैश का एक वीडियो सामने आया है। इसमें एक हेलिकॉप्टर खेत में क्रैश होकर दो हिस्से में टूट गया, इसके बावजूद उसके रोटर ब्लेड तेज रफ्तार में काफी देर तक घूमते रहे। कॉकपिट के अंदर फंसे पायलट और उसका साथी इधर-उधर झटके खाते रहे। एक पायलट तो हेलिकॉप्टर के दरवाजे से आधा बाहर लटका हुआ था। वह कई बार जमीन और हेलिकॉप्टर के किनारे से टकराया। पास की सड़क पर मौजूद लोग यह सब देखकर इकट्ठा हो गए, लेकिन हेलिकॉप्टर के रोटर ब्लेड लगातार घूम रहे थे, इसलिए कोई भी उनकी मदद के लिए आगे नहीं बढ़ सका। दोनों पायलटों की जान सीट बेल्ट की वजह से बच गई। द सन की रिपोर्ट के मुताबिक यह घटना चीन के वुजिन शहर में गुरुवार दोपहर 2 बजे हुई। 3 तस्वीरों में देखिए पूरा घटनाक्रम… एक डिस्चार्ज हुआ दूसरा अब भी अस्पताल में भर्ती हादसे की सूचना मिलते ही आपातकालीन सेवाएं मौके पर पहुंचीं। दोनों घायलों को अस्पताल ले जाया गया। इनमें से एक व्यक्ति को इलाज के बाद छुट्टी दे दी गई है, जबकि दूसरा अभी डॉक्टरों की निगरानी में है। राहत की बात यह है कि किसी की भी हालत जानलेवा नहीं बताई गई है। हेलिकॉप्टर हादसे के कारणों का पता लगाने के लिए जांच शुरू कर दी गई है। यह घटना चीन में हाल के कुछ साल में सामने आई कई विमान दुर्घटनाओं की कड़ी में एक और मामला है। पिछले साल एक मशहूर सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर तांग फेइजी की लाइवस्ट्रीम के दौरान मौत हो गई थी। उनका अल्ट्रालाइट विमान अचानक आसमान से नीचे गिर गया था। हादसे में उनकी मौके पर ही मौत हो गई थी। रिपोर्टों के मुताबिक उस समय उन्होंने न तो हेलमेट पहना था और न ही पैराशूट। तांग फेइजी इससे पहले भी तकनीकी खराबी के कारण दो विमान हादसों से बच चुके थे, जिनमें एक दुर्घटना ईंधन मापने वाले उपकरण में खराबी की वजह से हुई थी। —————————— हेलिकॉप्टर क्रैश से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें PoK में पाकिस्तानी सेना का हेलिकॉप्टर क्रैश:21 सुरक्षाकर्मियों के मारे जाने की खबर, दावा- प्रदर्शन रोकने के लिए जा रहे थे सैनिक पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (PoK) में पाकिस्तान सेना का एक MI-17 हेलिकॉप्टर दुर्घटनाग्रस्त हो गया। हादसा मुजफ्फराबाद के पास उड़ान भरने के कुछ ही देर बाद हुआ। हेलिकॉप्टर में सवार सभी 21 सुरक्षाकर्मियों के मारे जाने की खबर है। पूरी खबर पढ़ें