Friday, 09 Oct 2026 | 03:52 PM

Trending :

कानूनी पचड़े में फंसी फिल्म धुरंधर 2:त्रिमूर्ति फिल्म्स ने मुकदमा दायर किया, गाने रंग दे लाल को लेकर कॉपीराइट उल्लंघन का आरोप लगाया

कानूनी पचड़े में फंसी फिल्म धुरंधर 2:त्रिमूर्ति फिल्म्स ने मुकदमा दायर किया, गाने रंग दे लाल को लेकर कॉपीराइट उल्लंघन का आरोप लगाया

प्रोडक्शन कंपनी त्रिमूर्ति फिल्म्स ने फिल्ममेकर आदित्य धर के प्रोडक्शन हाउस B62 स्टूडियोज के खिलाफ कॉपीराइट उल्लंघन का केस दायर किया है। आरोप है कि फिल्म धुरंधर 2 में गाने रंग दे लाल (ओए ओए) का बिना अनुमति इस्तेमाल किया गया। बार एंड बेंच की रिपोर्ट के अनुसार, त्रिमूर्ति फिल्म्स का कहना है कि उनकी फिल्म त्रिदेव के गानों तिरछी टोपीवाले (ओए ओए) और हम प्यार करने वाले या उनके मिलते-जुलते वर्जन का उपयोग फिल्म धुरंधर 2 में बिना लाइसेंस या अनुमति के किया गया है। बता दें कि गाना तिरछी टोपीवाले को आनंद-मिलिंद ने कंपोज किया था। गाने को अमित कुमार और सपना मुखर्जी ने गाया था। कोर्ट से गाने के इस्तेमाल पर रोक की मांग मामले को लेकर एक सूत्र ने बताया, त्रिमूर्ति फिल्म्स का कहना है कि इस गाने और उसके साउंड रिकॉर्डिंग के अधिकार उन्हीं के पास हैं या उनके कंट्रोल में हैं। दायर किए गए मुकदमे में मांग की गई है कि गाने के आगे इस्तेमाल पर रोक लगाई जाए, साथ ही हर्जाना और अन्य जरूरी राहत भी दी जाए। त्रिमूर्ति ने यह भी चिंता जताई है कि इस गाने का इस्तेमाल थिएटर रिलीज, स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म और प्रमोशनल मैटेरियल के जरिए कमाई के लिए किया जा सकता है। बता दें कि फिल्म धुरंधर 2 का गाना रंग दे लाल (ओए ओए) को जैस्मिन सैंडलस, अफसाना खान, अमित कुमार और रेबल ने अपनी आवाज दी है। इस नए वर्जन को मुख्य रूप से संगीतकार शाश्वत सचदेव ने तैयार किया है। जबकि गाने में प्रसिद्ध संगीतकार जोड़ी कल्याणजी-आनंदजी को क्रेडिट दिया गया है। गाने के वीडियो में फिल्म की मुख्य स्टारकास्ट नजर आती है, जिसमें रणवीर सिंह, अर्जुन रामपाल, संजय दत्त, आर. माधवन, सारा अर्जुन और राकेश बेदी शामिल हैं।

कानूनी पचड़े में फंसी फिल्म धुरंधर 2:त्रिमूर्ति फिल्म्स ने मुकदमा दायर किया, गाने रंग दे लाल को लेकर कॉपीराइट उल्लंघन का आरोप लगाया

कानूनी पचड़े में फंसी फिल्म धुरंधर 2:त्रिमूर्ति फिल्म्स ने मुकदमा दायर किया, गाने रंग दे लाल को लेकर कॉपीराइट उल्लंघन का आरोप लगाया

प्रोडक्शन कंपनी त्रिमूर्ति फिल्म्स ने फिल्ममेकर आदित्य धर के प्रोडक्शन हाउस B62 स्टूडियोज के खिलाफ कॉपीराइट उल्लंघन का केस दायर किया है। आरोप है कि फिल्म धुरंधर 2 में गाने रंग दे लाल (ओए ओए) का बिना अनुमति इस्तेमाल किया गया। बार एंड बेंच की रिपोर्ट के अनुसार, त्रिमूर्ति फिल्म्स का कहना है कि उनकी फिल्म त्रिदेव के गानों तिरछी टोपीवाले (ओए ओए) और हम प्यार करने वाले या उनके मिलते-जुलते वर्जन का उपयोग फिल्म में बिना लाइसेंस या अनुमति के किया गया है। बता दें कि गाना तिरछी टोपीवाले को आनंद-मिलिंद ने कंपोज किया था। वहीं, इसको अमित कुमार और सपना मुखर्जी ने गाया था। कोर्ट से गाने के इस्तेमाल पर रोक की मांग मामले को लेकर एक सूत्र ने बताया, त्रिमूर्ति फिल्म्स का कहना है कि इस गाने और उसके साउंड रिकॉर्डिंग के अधिकार उन्हीं के पास हैं या उनके कंट्रोल में हैं। दायर किए गए मुकदमे में मांग की गई है कि गाने के आगे इस्तेमाल पर रोक लगाई जाए, साथ ही हर्जाना और अन्य जरूरी राहत भी दी जाए। त्रिमूर्ति ने यह भी चिंता जताई है कि इस गाने का इस्तेमाल थिएटर रिलीज, स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म और प्रमोशनल मैटेरियल के जरिए कमाई के लिए किया जा सकता है। बता दें कि फिल्म धुरंधर 2 का गाना रंग दे लाल (ओए ओए) को जैस्मिन सैंडलस, अफसाना खान, अमित कुमार और रेबल ने अपनी आवाज दी है। नए वर्जन को मुख्य रूप से संगीतकार शाश्वत सचदेव ने तैयार किया है। जबकि गाने में प्रसिद्ध संगीतकार जोड़ी कल्याणजी-आनंदजी को क्रेडिट दिया गया है। गाने के वीडियो में फिल्म की मुख्य स्टारकास्ट नजर आती है, जिसमें रणवीर सिंह, अर्जुन रामपाल, संजय दत्त, आर. माधवन, सारा अर्जुन और राकेश बेदी शामिल हैं।

दमोह में किसान को लगा करंट, मौत:खेत में काम करने के दौरान हादसा; पुलिस बोली-मामले की कर रहे जांच

दमोह में किसान को लगा करंट, मौत:खेत में काम करने के दौरान हादसा; पुलिस बोली-मामले की कर रहे जांच

दमोह के बटियागढ़ थाना क्षेत्र के आलमपुर गांव में खेत में काम करते समय एक किसान को करंट लग गया। हादसे में एक किसान की मौत हो गई। घटना बुधवार रात की है। मृतक की पहचान नन्ना अहिरवार (55) के रूप में हुई है। घटना की सूचना मिलने पर परिजन मौके पर पहुंचे और बटियागढ़ थाना पुलिस को जानकारी दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव का पंचनामा किया। खेत में करंट लगने से हुई मौत बताया जा रहा है कि मृतक किसान सिहेरा मौजा स्थित अपने खेत में कार्य कर रहा था, तभी अचानक उसे करंट लग गया। मृतक किसान के बेटे गोविंद अहिरवार ने बताया कि उनके पिता की खेत में काम करते समय करंट लगने से मौत हो गई। उन्हें यह पता नहीं है कि करंट कैसे लगा। पुलिस ने पीएम कराकर परिजनों को सौंपा शव गोविंद अहिरवार ने बताया कि घटना की जानकारी मिलते ही वे परिजनों के साथ मौके पर पहुंचे और पिता को बटियागढ़ स्वास्थ्य केंद्र लेकर आए, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। गुरुवार सुबह पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है और मामले में आगे की जांच शुरू कर दी है।

वर्ल्ड अपडेट्स:एक्टर मैथ्यू पैरी की मौत के मामले में भारतीय मूल की महिला को 15 साल की सजा, ड्रग्स बेचा था

वर्ल्ड अपडेट्स:एक्टर मैथ्यू पैरी की मौत के मामले में भारतीय मूल की महिला को 15 साल की सजा, ड्रग्स बेचा था

हॉलीवुड के मशहूर टीवी शो ‘फ्रेंड्स’ के अभिनेता मैथ्यू पैरी की मौत से जुड़े ड्रग्स मामले में अदालत ने भारतीय मूल की महिला जसवीन संघा को 15 साल की जेल की सजा सुनाई है। जसवीन को ‘केटामाइन क्वीन’ के नाम से भी जाना जाता है। जसवीन संघा ने पिछले साल सितंबर में पांच आरोपों को स्वीकार किया था। इनमें केटामाइन बेचने का आरोप भी शामिल था, जिसे मैथ्यू पैरी की मौत की बड़ी वजह माना गया। केटामाइन एक बेहोश करने वाली दवा है, जिसका इस्तेमाल केवल डॉक्टर की निगरानी में ही किया जाता है। मैथ्यू पैरी अक्टूबर 2023 में अपने घर के हॉट टब में मृत पाए गए थे। जांच में सामने आया कि उनकी मौत केटामाइन के ज्यादा असर (ओवरडोज) की वजह से हुई थी। सरकारी वकील के अनुसार, नॉर्थ हॉलीवुड में स्थित जसवीन का घर ड्रग्स सप्लाई का केंद्र बना हुआ था, जहां अमीर ग्राहकों को अलग-अलग तरह के नशीले पदार्थ बेचे जाते थे। जांच के दौरान जसवीन के घर से भारी मात्रा में केटामाइन, मेथामफेटामिन, कोकीन और अन्य ड्रग्स बरामद किए गए थे। अदालत ने यह भी कहा कि आरोपी ने लंबे समय तक अपने किए पर कोई पछतावा नहीं दिखाया, इसलिए उसे सख्त सजा देना जरूरी था। अंतरराष्ट्रीय मामलों से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… भारत दौरे पर पहुंचे बांग्लादेश के विदेश मंत्री, शेख हसीना को प्रत्यर्पित करने की मांग की बांग्लादेश के विदेश मंत्री खालिलुर रहमान बुधवार को नई दिल्ली पहुंचे। इस दौरान उन्होंने विदेश मंत्री एस जयशंकर, पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी और राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल से मुलाकात की। उन्होंने भारत से पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना और पूर्व गृह मंत्री असदुज्जमान खान कमाल को प्रत्यर्पित करने की मांग दोहराई। दोनों को इंटरनेशनल क्राइम्स ट्रिब्यूनल ने मौत की सजा सुनाई है। शेख हसीना अगस्त 2024 से भारत में रह रही हैं। उन्हें देश में बड़े विरोध प्रदर्शनों के बाद सत्ता से हटना पड़ा था। रहमान ने भारत से डीजल और खाद की आपूर्ति बढ़ाने की मांग की। भारत ने 31 मार्च बांग्लादेश को 7000 टन डीजल की आपूर्ति की थी, जिसके लिए बांग्लादेश ने धन्यवाद भी दिया। बांग्लादेश इस समय ऊर्जा के लिए आयात पर निर्भर है। ईरान से जुड़े युद्ध के कारण उसकी सप्लाई प्रभावित हुई है। भारत के दो मंत्री विदेश रवाना, होर्मुज संकट के बीच तेल-गैस सप्लाई सुरक्षित करने की कोशिश पश्चिम एशिया में जारी तनाव और ऊर्जा संकट के बीच भारत के दो बड़े मंत्री अहम विदेश दौरों पर जा रहे हैं। इन दौरों का मकसद तेल-गैस सप्लाई, ऊर्जा सुरक्षा और क्षेत्रीय हालात पर चर्चा करना है। केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी 9-10 अप्रैल 2026 को कतर की आधिकारिक यात्रा पर जाएंगे। वहीं, विदेश मंत्री एस जयशंकर 11-12 अप्रैल को यूएई का दौरा करेंगे। ये दोनों दौरे ऐसे समय हो रहे हैं जब अमेरिका, इजराइल और ईरान के बीच संघर्ष के कारण वैश्विक ऊर्जा सप्लाई पर असर पड़ा है। खासकर स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में रुकावट के चलते तेल और गैस की आपूर्ति को लेकर चिंता बढ़ गई थी। कतर ने हालात सुधरने के बाद प्राकृतिक गैस उत्पादन दोबारा शुरू करने की तैयारी तेज कर दी है। रास लाफान स्थित दुनिया के सबसे बड़े एलएनजी प्लांट में काम फिर से शुरू करने के लिए इंजीनियरों और कर्मचारियों को जुटाया जा रहा है। इससे पहले ईरान के हमलों के कारण इस प्लांट का संचालन प्रभावित हुआ था, जिससे वैश्विक सप्लाई चेन पर असर पड़ा। वहीं यूएई के दौरे पर विदेश मंत्री एस जयशंकर भारत-यूएई रणनीतिक साझेदारी, ऊर्जा सुरक्षा और क्षेत्रीय स्थिति पर चर्चा करेंगे। दरअसल, पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और सप्लाई बाधित होने के खतरे के बीच भारत अपनी ऊर्जा जरूरतों को सुरक्षित करने के लिए सक्रिय कूटनीति अपना रहा है। यही वजह है कि दोनों मंत्री अलग-अलग देशों में जाकर ऊर्जा से जुड़े अहम मुद्दों पर बातचीत करेंगे।

बंगाल चुनाव 2026: असम, पुडुचेरी जीतेंगे और बंगाल में बदलाव तय, दिलीप घोष का बड़ा बयान

बंगाल चुनाव 2026: असम, पुडुचेरी जीतेंगे और बंगाल में बदलाव तय, दिलीप घोष का बड़ा बयान

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026: पश्चिम बंगाल के खड़गपुर से भाजपा नेता दिलीप घोष ने दावा किया कि बंगाल सहित अन्य राज्यों में भी लोगों के जीवन में बदलाव आएगा। दिलीप घोष ने मीडिया से बातचीत में कहा, “आज बंगाल में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तीन शुभकामनाएं हैं। इसी तरह पांच राज्यों में प्रधानमंत्री और राष्ट्रीय अध्यक्ष हमारे सभी नेता जनता को आश्वस्त कर रहे हैं कि अगर बंगाल समेत सभी राज्यों में बदलाव आएगा, तो लोगों के जीवन में भी बदलाव आएगा। बीजेपी सरकार पूरे देश में विकास कर रही है, उनका फायदा यहां के लोगों को मिलेगा। मध्य पूर्व में तनाव चल रहा है, लेकिन भारत शांत है। असम, पुडुचेरी तो हम और बंगाल में जीतेंगे ही।” घोष कहते हैं, “हर किसी को शांति चाहिए। एक-दो नेता अपने स्वार्थ के लिए दुनिया को खतरे में डाल रहे हैं। इसलिए जितनी जल्दी शांति आ जाए, उतनी ही अच्छी है। आज पूरी दुनिया एक परिवार की तरह है, एक-दूसरे पर प्रतिबंध है, दुनिया इसलिए तेल और गैस के बिना नहीं चल सकती। इसमें आम जनता के लिए सबसे बड़ी समस्या है।” बीजेपी के उम्मीदवार दिलीप घोष ने कहा, “पिछले एक साल से बंगाल में हिंसा हो रही है. सरकारी निधियों, सरकारी इकाइयों और सरकारी अनुदानों के धन की लूट आम बात है. संगठन बहुत फैला हुआ है. इसमें कुछ राजनेता और निजी तौर पर जुड़ी कुछ कंपनियां शामिल हैं. जैसे-जैसे चुनावी संभावनाएं आ रही हैं, निवेशकों के लोग हरेन की खतरे से डरे हुए हैं.” लगभग 13 साल बाद कोलकाता उच्च न्यायालय द्वारा शारदा चितफंड कंपनी के खिलाफ जमानत दिए जाने के बाद सुदीप्ता सेन की रिहाई पर घोष ने कहा, “यह प्रक्रिया 12 साल से चल रही है। ममता बनर्जी की सरकार ने अपने निजी स्वामित्व और शेयरधारक के रूप में करोड़ों रुपये का इस्तेमाल किया है। इसलिए कानून के आधार पर जो भी होगा, अदालत ने उस पर कार्रवाई की है। कई लोगों को पहले ही प्राइवेट मिल्ज़ा दिया गया है।” (टैग्सटूट्रांसलेट)दिलीप घोष(टी)नरेंद्र मोदी(टी)पश्चिम बंगाल(टी)पश्चिम बंगाल(टी)खड़गपुर(टी)सुदीप्त सेन(टी)बंगाल चुनाव(टी)चुनाव 2026(टी)बंगाल चुनाव 2026(टी)पीएम मोदी(टी)बंगाल चुनाव 2026(टी)दिलीप घोष(टी)नरेंद्र मोदी(टी)पश्चिम बंगाल

विश्व में लाखों लोगों ने एक साथ किया 'नवाकर' जप:नीमच में टाउन हॉल में हुआ अनुष्ठान, गृहमंत्री अमित शाह वर्चुअली हुए शामिल

विश्व में लाखों लोगों ने एक साथ किया 'नवाकर' जप:नीमच में टाउन हॉल में हुआ अनुष्ठान, गृहमंत्री अमित शाह वर्चुअली हुए शामिल

विश्व नवकार महामंत्र दिवस के अवसर पर 9 अप्रैल को जैन इंटरनेशनल ट्रेड ऑर्गेनाइजेशन (जीटो) ने एक सामूहिक महामंत्र जाप का आयोजन किया। इस कार्यक्रम में देश के गृहमंत्री अमित शाह दिल्ली से वर्चुअली जुड़े और उन्होंने भी सामूहिक रूप से नवकार महामंत्र का जाप किया। जीटो के तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम की मुख्य विशेषता यह रही कि पूरे विश्व में लाखों लोगों ने एक ही समय पर इस महामंत्र का उच्चारण किया। इससे सर्वत्र सकारात्मक ऊर्जा का संचार हुआ। नीमच में यह समारोह टाउन हॉल में आयोजित किया गया, जिसमें राजनीति और समाज के विभिन्न क्षेत्रों की हस्तियां शामिल हुईं। भाजपा जिला अध्यक्ष वंदना खंडेलवाल और कांग्रेस जिला अध्यक्ष तरुण बाहेती ने विशेष रूप से शिरकत की। प्रेमप्रकाश जैन और संतोष चोपड़ा सहित कई अन्य गणमान्य अतिथि भी उपस्थित रहे। संस्था अध्यक्ष रिंकू राठौर ने बताया कि यह आयोजन केवल जैन समाज तक सीमित नहीं था, बल्कि इसमें सभी वर्गों और समाजों के लोग बड़ी संख्या में शामिल हुए। शहर के पुरुष, महिलाएं और युवा इस सामूहिक आयोजन का हिस्सा बने। वक्ताओं ने नवकार महामंत्र को आत्मिक शांति और लोक कल्याण के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण बताया। जीटो की इस पहल का उद्देश्य नीमच सहित पूरे विश्व को एकता और धर्म के सूत्र में पिरोना था।

हत्या के बाद सिर काटकर सड़क के बीच में रखा:अररिया में भीड़ ने आरोपी को पीटा; गुस्साए लोगों ने आगजनी-तोड़फोड़ की

हत्या के बाद सिर काटकर सड़क के बीच में रखा:अररिया में भीड़ ने आरोपी को पीटा; गुस्साए लोगों ने आगजनी-तोड़फोड़ की

अररिया में एक शख्स ने दूसरे शख्स का गला काटकर उसका सिर बीच सड़क पर रख दिया। मृतक की पहचान मो. नवी हुसैन के रूप में हुई है। जिसने वारदात को अंजाम दिया उसका नाम राहुल चौहान बताया जा रहा है। घटना के बाद से इलाके में बवाल मचा हुआ है। गुस्साए लोगों ने आरोपी को भी पीट-पीटकर अधमरा कर दिया। उसे अस्पताल लाया गया है। भीड़ ने सड़क पर आगजनी की है। इलाके के सभी दुकानों को बंद कर दिया गया है। घटना फारबिसगंज थाना क्षेत्र के मार्केटिंग यार्ड गेट नंबर 2 के पास हुई। वारदात से जुड़ी कुछ तस्वीरें देखिए अब सिलसिलेवार ढंग से पढ़िए पूरी वारदात बताया जाता है कि आज सुबह मो. नवी हुसैन राहुल कुमार के पास पहुंचा। राहुल सत्तू बेचता है। नवी ने राहुल से कहा कि, सत्तू वाली कैसी है। इतने पर राहुल भड़क गया। पहले दोनों में बहस हुई। इसी बीच राहुल ने चाकू निकाल कर नवी के पेट में मार दिया। फिर उसके सिर को धड़ से अलग कर बीच सड़क रख दिया। ऑटो चालक की हत्या के बाद मौके पर मौजूद लोग आक्रोशित हो गए। भीड़ ने सत्तू विक्रेता को पकड़ लिया और उसे बेरहमी से पीटा। गंभीर चोटों के कारण सत्तू विक्रेता की भी घटनास्थल पर ही मौत हो गई। आक्रोशित भीड़ ने सड़क जाम कर की आगजनी इस दोहरे हत्याकांड के बाद इलाके में अफरा-तफरी और तनाव का माहौल बन गया। बड़ी संख्या में लोग घटनास्थल पर जमा हो गए। आक्रोशित भीड़ ने सुभाष चौक के पास सड़क जाम कर आगजनी भी की, जिससे यातायात बाधित हो गया। पुलिस मामले की जांच कर रही है। अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी मुकेश कुमार साहा ने बताया कि, एक व्यक्ति की मौत हो चुकी है, जबकि दूसरे युवक की तलाश जारी है। पूरे इलाके में तनावपूर्ण स्थिति बनी हुई है। पुलिस बल कैंप कर स्थिति पर नजर रखे हुए है। क्रोशित लोगों को समझाया जा रहा है। खबर अपडेट हो रही है

हाथ में गिटार, कंधों पर लड़का: विजय के तिरुनेलवेली रोड शो की झलकियाँ

हाथ में गिटार, कंधों पर लड़का: विजय के तिरुनेलवेली रोड शो की झलकियाँ

बुधवार, 8 अप्रैल को तमिलनाडु के तिरुनेलवेली जिले में तमिलगा वेट्री कज़गम (टीवीके) नेता विजय के चुनाव अभियान ने राजनीतिक हलकों में महत्वपूर्ण ध्यान आकर्षित किया है, जिसमें कई स्थानों पर बड़ी भीड़ उमड़ी है। अभियान, विशेष रूप से केटीसी नगर के आसपास उत्सव जैसा माहौल रहा, क्योंकि हजारों समर्थक अभिनेता से नेता बने अभिनेता की एक झलक पाने के लिए एकत्र हुए थे। (स्थानीय18) एक खुले वाहन में यात्रा करते हुए, विजय ने थलाईयुथु, वन्नारापेट्टई, पलायमकोट्टई मार्केट और समाधानपुरम जैसे प्रमुख क्षेत्रों को कवर करते हुए एक व्यापक रोड शो आयोजित किया। हर पड़ाव पर समर्थक सड़कों पर कतार में खड़े थे और उनके वहां से गुजरने पर हाथ हिला रहे थे और फूल बरसा रहे थे। जनता के साथ उनकी बातचीत अभियान का एक प्रमुख आकर्षण बन गई। एक उदाहरण में, जैसे ही लोगों ने उनके वाहन पर फूल बरसाए, विजय ने उन्हें उठाया और भीड़ में वापस फेंक दिया, जिससे जोर से जयकार हुई। (स्थानीय18) विजय को समर्थकों के साथ गर्मजोशी से मिलते हुए भी देखा गया, जिसमें वह क्षण भी शामिल था जब उन्होंने एक युवा लड़के को अपने कंधों पर उठाया था। (स्थानीय18) विजय ने भी भीड़ के इशारों का मजाकिया अंदाज में जवाब दिया। जब एक समर्थक ने उन्हें एक गिटार दिया, तो उन्होंने उसे बजाते हुए नकल की और वहां मौजूद लोगों का मनोरंजन किया। दूसरे क्षण में, उन्होंने अपनी ओर उछाली गई एक शीतल पेय की बोतल को आसानी से पकड़ लिया, और अपने सुरक्षाकर्मियों से मजाक करते हुए कहा, “मैंने इसे बिल्कुल सही पकड़ा!”, जिससे समर्थकों के बीच हंसी और तालियां गूंज उठीं। अभियान में प्रतीकात्मक संकेत भी शामिल थे, जैसे कि जब स्थानीय किसानों ने उन्हें धान की पेशकश की। (स्थानीय18) तिरुनेलवेली अभियान ने टीवीके प्रमुख की स्टार शक्ति को प्रतिबिंबित किया। भीड़ के साथ उनका सीधा जुड़ाव एक प्रमुख आकर्षण के रूप में उभरा, जिससे जमीन पर समर्थकों के बीच उनकी अपील मजबूत हुई। (स्थानीय18) (टैग्सटूट्रांसलेट)अभिनेता विजय(टी)विधानसभा चुनाव(टी)चुनाव अभियान(टी)सार्वजनिक रैली(टी)रोड शो(टी)तमिलनाडु(टी)तमिलनाडु समाचार(टी)तमिल नाडु समाचार आज(टी)तिरुनेलवेली(टी)टीवीके

तरबूज खाएं या खरबूजा? गर्मियों में कौन है असली ‘हेल्थ टॉनिक’, जानें कैंसर से बचाव और वजन घटाने के लिए क्या है बेस्ट!

ask search icon

Last Updated:April 09, 2026, 10:48 IST Watermelon Muskmelon Benefits: गर्मियों ने दस्तक दे दी है. इस मौसम में शरीर को हाइड्रेटेड रखना सबसे बड़ी चुनौती होती है. जब भी हम बाजार जाते हैं, तो दो फल हमें सबसे ज्यादा नजर आते हैं- लाल रसीला तरबूज (Watermelon) और खुशबूदार खरबूजा (Muskmelon). लेकिन अक्सर हमारे मन में यह सवाल उठता है कि इन दोनों में से सेहत के लिए ज्यादा फायदेमंद कौन सा है? क्या ये सिर्फ प्यास बुझाते हैं या इनके पीछे कोई गहरा औषधीय गुण भी छिपा है? आइए, जानते हैं कि आपकी सेहत के लिए असली ‘हेल्थ टॉनिक’ कौन सा है. Tarbuj-Kharbuja ke fayde : गर्मियों के इन दोनों सुपरफूड्स की सबसे बड़ी खूबी इनका वॉटर कंटेंट है. USDA के अनुसार, तरबूज में लगभग 92% पानी होता है, जो इसे डिहाइड्रेशन से लड़ने का सबसे शक्तिशाली हथियार बनाता है. दूसरी ओर, खरबूजे में करीब 90% पानी के साथ-साथ फाइबर की मात्रा थोड़ी अधिक होती है. अगर आप चिलचिलाती धूप से लौटकर आए हैं, तो तरबूज शरीर के तापमान को तुरंत कम करने में मदद करता है, जबकि खरबूजा आपके पाचन तंत्र को ठंडक पहुँचाने का काम करता है. इम्यूनिटी बढ़ाने की बात करें, तो खरबूजा यहाँ बाजी मारता नजर आता है. खरबूजे में विटामिन C और विटामिन A प्रचुर मात्रा में होते हैं. विटामिन C न केवल संक्रमण से लड़ने वाली सफेद रक्त कोशिकाओं को बढ़ाता है, बल्कि आपकी त्वचा में कोलेजन के स्तर को भी बनाए रखता है. वहीं, तरबूज में मौजूद लाइकोपीन (Lycopene) एक ऐसा एंटीऑक्सीडेंट है, जो कोशिकाओं को डैमेज होने से बचाता है और शरीर की आंतरिक सुरक्षा प्रणाली को मजबूत करता है. आजकल कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों से बचाव के लिए लोग प्राकृतिक रास्तों की तलाश कर रहे हैं. तरबूज का गहरा लाल रंग उसमें मौजूद लाइकोपीन की वजह से होता है. कई शोध बताते हैं कि लाइकोपीन प्रोस्टेट कैंसर और फेफड़ों के कैंसर के जोखिम को कम करने में मददगार हो सकता है. खरबूजा भी पीछे नहीं है; इसमें मौजूद बीटा-कैरोटीन शरीर में जाकर विटामिन A में बदल जाता है, जो फ्री-रेडिकल्स से लड़ने में शरीर की मदद करता है और कैंसर जैसी स्थितियों के विरुद्ध सुरक्षा कवच तैयार करता है. Add News18 as Preferred Source on Google अगर आपका लक्ष्य वजन घटाना (Weight Loss) है, तो ये दोनों ही फल आपके बेस्ट फ्रेंड बन सकते हैं. तरबूज में कैलोरी बहुत कम होती है (प्रति 100 ग्राम केवल 30 कैलोरी), और इसे खाने से पेट जल्दी भर जाता है. वहीं खरबूजा अपने उच्च फाइबर कंटेंट की वजह से आपको लंबे समय तक भूख का अहसास नहीं होने देता. अगर आपको मीठा खाने की क्रेविंग होती है, तो खरबूजा एक बेहतरीन विकल्प है क्योंकि यह तरबूज की तुलना में थोड़ा ज्यादा ‘फिलिंग’ महसूस होता है. दिल की सेहत (Heart Health) के लिए तरबूज में मौजूद सिट्रुलिन (Citrulline) नाम का अमीनो एसिड रक्तचाप को नियंत्रित करने में सहायक होता है. यह धमनियों में रक्त के प्रवाह को सुचारू बनाता है. दूसरी तरफ, खरबूजे में पोटेशियम की मात्रा काफी अच्छी होती है, जो सोडियम के प्रभाव को कम कर ब्लड प्रेशर को स्थिर रखता है. यानी, अगर आप हाई बीपी के मरीज हैं, तो ये दोनों फल आपके लिए किसी टॉनिक से कम नहीं हैं. आंखों की रोशनी और त्वचा की चमक के मामले में खरबूजा काफी प्रभावी माना जाता है. इसमें मौजूद विटामिन A आंखों की मासपेशियों को ताकत देता है. तरबूज आपकी स्किन को हाइड्रेटेड रखकर ‘नेचुरल ग्लो’ देता है और धूप से होने वाले सनबर्न के असर को कम करता है. एथलीट्स और जिम जाने वालों के लिए तरबूज का रस मांसपेशियों के दर्द (Muscle Soreness) को कम करने के लिए एक जादुई ड्रिंक की तरह काम करता है. अंत में, सवाल वही है—किसे चुनें? असलियत यह है कि तरबूज और खरबूजा दोनों के अपने अलग फायदे हैं. अगर आपको ज्यादा प्यास लगती है और आप वर्कआउट करते हैं, तो तरबूज आपके लिए बेस्ट है. लेकिन अगर आप पाचन सुधारना चाहते हैं और अपनी इम्यूनिटी पर ध्यान देना चाहते हैं, तो खरबूजा एक बेहतरीन चुनाव है. सबसे अच्छा तरीका यह है कि आप अपनी डाइट में दोनों को शामिल करें, लेकिन ध्यान रहे कि इन्हें खाने के तुरंत बाद पानी न पिएं और रात के समय इनके सेवन से बचें. (Disclaimer: इस लेख में दी गई जानकारियां और सूचनाएं सामान्य मान्यताओं पर आधारित हैं. Hindi news18 इनकी पुष्टि नहीं करता है. इन पर अमल करने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से संपर्क करें.) First Published : April 09, 2026, 10:48 IST

‘परिवर्तन’ के नए बैच की सेवा: दार्जिलिंग के बेकरी कारोबारी ने बंगाल चुनाव मैदान में प्रवेश किया | चुनाव समाचार

Smoke rises from the sites of Israeli airstrikes in Lebanon's Beirut and its suburbs on April 8, 2026. (Image: AFP)

आखरी अपडेट:09 अप्रैल, 2026, 10:45 IST प्रतिष्ठित ग्लेनरीज़ बेकरी के मालिक अजॉय एडवर्ड, हिप-हॉप तत्वों और लाइव प्रदर्शन को शामिल करते हुए राजनीति को एक उच्च-ऊर्जा, युवा-उन्मुख दृष्टिकोण के साथ जोड़ते हैं। प्रतिष्ठित ग्लेनरी बेकरी के मालिक अजॉय एडवर्ड ने भारतीय गोरखा जनशक्ति पार्टी लॉन्च की है। (न्यूज़18) भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) भले ही पूरे पश्चिम बंगाल में अपने अभियान के केंद्रीय विषय के रूप में “परिवर्तन” (परिवर्तन) को पेश कर रही है, लेकिन दार्जिलिंग की पहाड़ियों में एक नए राजनीतिक प्रवेशकर्ता के नेतृत्व में परिवर्तन के लिए एक समानांतर आह्वान उभर रहा है। पहाड़ियों के राजनीतिक परिदृश्य पर वर्तमान में भाजपा सांसद राजू बिस्ता और अखिल भारतीय तृणमूल कांग्रेस-सहयोगी भारतीय गोरखा प्रजातांत्रिक मोर्चा (बीजीपीएम) का वर्चस्व है, जो गोरखालैंड क्षेत्रीय प्रशासन (जीटीए) चलाता है। हालाँकि, एक नए खिलाड़ी- प्रतिष्ठित ग्लेनरीज़ बेकरी एंड रेस्तरां के मालिक अजय एडवर्ड ने भारतीय गोरखा जनशक्ति पार्टी लॉन्च की है, जो इसे बीजेपी और टीएमसी समर्थित गठबंधन दोनों के विकल्प के रूप में पेश करती है। पार्टी ने उत्तर बंगाल में पांच उम्मीदवार उतारे हैं, जिनमें खुद दार्जिलिंग से एडवर्ड भी शामिल हैं। एक अंतर के साथ एक अभियान एडवर्ड की अभियान शैली सबसे अलग है। उन्हें अक्सर “परिवर्तन” की थीम पर केंद्रित रैप संगीत के साथ एक वाहन की छत से भीड़ को संबोधित करते देखा जाता है। उनका आउटरीच राजनीति को उच्च-ऊर्जा, युवा-उन्मुख दृष्टिकोण के साथ जोड़ता है, जिसमें हिप-हॉप तत्व और लाइव प्रदर्शन शामिल हैं। जेन ज़ेड समर्थकों की स्पष्ट उपस्थिति के साथ, यह अभियान विशेष रूप से युवा मतदाताओं के साथ प्रतिध्वनित होता प्रतीत होता है। पर्यवेक्षकों ने नेपाल में देखी जाने वाली अभियान शैलियों के साथ समानताएं देखीं, विशेष रूप से संगीत-संचालित लामबंदी के संदर्भ में। मुख्य मुद्दे और संदेश News18 से बात करते हुए, एडवर्ड ने कहा, “मुख्यधारा की दोनों राजनीतिक पार्टियों ने हमारे लिए काम नहीं किया है। गोरखालैंड हमारा दृष्टिकोण है। अपनी पहचान और संस्कृति की रक्षा के साथ-साथ, हमें विकास की भी जरूरत है, खासकर बुनियादी ढांचे में। हमने नेपाल से प्रेरणा ली है और उसी के अनुसार अपना अभियान तैयार किया है।” एडवर्ड ने पिछले नगरपालिका चुनावों में भी अच्छा प्रदर्शन किया था और राजनीतिक पर्यवेक्षकों का मानना ​​है कि वह इस चुनाव चक्र में एक महत्वपूर्ण कारक के रूप में उभर सकते हैं। प्रतिद्वंद्वियों की प्रतिक्रियाएँ हालाँकि, मुख्यधारा के राजनीतिक खिलाड़ियों ने उनके प्रभाव को कम कर दिया है। News18 से बात करते हुए, बिस्टा ने कहा: “वोटों को विभाजित करने का प्रयास करके वह प्रभावी रूप से टीएमसी के पक्ष में खेल रहे हैं। लोग इसे समझते हैं।” अनित थापा, जिनकी पार्टी टीएमसी के साथ गठबंधन में है, ने कहा, “लोग विकास के लिए वोट करेंगे। एडवर्ड ने पहले भी चुनाव लड़ा है, लेकिन हमने पंचायत चुनाव और अन्य स्थानीय निकाय जीते हैं।” पहाड़ी राजनीति को नया आयाम पारंपरिक पार्टियों द्वारा अपना गढ़ बनाए रखने और एक नए प्रवेशी द्वारा यथास्थिति को बाधित करने के प्रयास के साथ, दार्जिलिंग पहाड़ियों में चुनावी मुकाबले पर कड़ी नजर रहने की उम्मीद है। युवा-संचालित, अपरंपरागत अभियान के उद्भव ने राजनीतिक कथा में एक नया आयाम जोड़ा है, जिससे पहाड़ियों की लड़ाई इस चुनाव में सबसे दिलचस्प प्रतियोगिताओं में से एक बन गई है। चुनी हुई कहानियाँ, आपके इनबॉक्स में हमारी सर्वोत्तम पत्रकारिता वाला एक न्यूज़लेटर जमा करना जगह : दार्जिलिंग, भारत, भारत पहले प्रकाशित: 09 अप्रैल, 2026, 10:45 IST समाचार चुनाव ‘परिवर्तन’ के नए बैच की सेवा: दार्जिलिंग के बेकरी कारोबारी ने बंगाल चुनाव मैदान में प्रवेश किया अस्वीकरण: टिप्पणियाँ उपयोगकर्ताओं के विचार दर्शाती हैं, News18 के नहीं। कृपया चर्चाएँ सम्मानजनक और रचनात्मक रखें। अपमानजनक, मानहानिकारक, या अवैध टिप्पणियाँ हटा दी जाएंगी। News18 अपने विवेक से किसी भी टिप्पणी को अक्षम कर सकता है. पोस्ट करके, आप हमारी उपयोग की शर्तों और गोपनीयता नीति से सहमत होते हैं। और पढ़ें (टैग्सटूट्रांसलेट)दार्जिलिंग पहाड़ी राजनीति(टी)दार्जिलिंग चुनाव(टी)भारतीय गोरखा जनशक्ति पार्टी(टी)अजॉय एडवर्ड अभियान(टी)युवा संचालित राजनीति(टी)गोरखालैंड की मांग(टी)दार्जिलिंग में भाजपा(टी)टीएमसी गठबंधन पश्चिम बंगाल