CS अनुराग जैन बोले- चीफ कम्प्लेंट ऑफिसर बन गया हूं:भोपाल में हुई समीक्षा बैठक; वन और राजस्व सीमा विवादों में उलझे ACS स्तर के अफसर

मध्य प्रदेश के मुख्य सचिव अनुराग जैन ने बुधवार को विभागाध्यक्षों की बैठक ली। इस बैठक में वन और राजस्व विभाग के मामलों को लेकर माहौल कुछ देर के लिए गर्म हो गया। दरअसल, वन विभाग का पक्ष प्रमुख सचिव संदीप यादव के बजाय पूर्व में इस विभाग के मुखिया रहे अशोक बर्णवाल रखने लगे। इस दौरान सामान्य प्रशासन विभाग के अपर मुख्य सचिव संजय शुक्ल ने यह कहा कि प्रदेश के किसी भी गांव की स्थिति साफ नहीं है कि कौन सी जमीन राजस्व की और कौन सी वन विभाग की है। इससे विवाद की स्थिति बनती है। इस दौरान पंचायत और ग्रामीण विकास विभाग की एसीएस दीपाली रस्तोगी ने कह दिया कि बैठक में जो बातें हो रही हैं वह ग्राउंड रियलिटी से बिल्कुल ही अलग हैं। इस बीच सीएस अनुराग जैन ने कहा कि मैं इस समय चीफ कम्प्लेंट आफिसर बन गया हूं। एसीएस रस्तोगी ने कहा- स्केल अलग होने से दिक्कतें विभागाध्यक्षों की बैठक में यह वाकया तब आया जब बैठक खत्म होने वाली थी। एसीएस दीपाली रस्तोगी ने कहा कि वन और राजस्व विभाग के स्केल अलग होने के कारण यह दिक्कत आती है और इसी कारण इसका कोई ठोस समाधान नहीं है। बैठक में मुख्य सचिव जैन ने सभी विभागाध्यक्षों से कहा है कि विभाग मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की सर्वोच्च प्राथमिकताओं को शामिल कर अपने विभाग की वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए कार्य योजना और लक्ष्य 15 अप्रैल तक पेश करें। उन्होंने सीएम हेल्पलाइन और लोक सेवा गारंटी के प्रकरणों में समय-सीमा से ऊपर के प्रकरणों की समीक्षा करने के साथ सेंपल जांच करने के निर्देश भी दिए हैं। पुलिस विभाग की एफआईआर के मामलों पर भी फोकस करने की बात इस दौरान कही गई। ढाई साल की उपलब्धि और आगामी कार्ययोजना बताएं मुख्य सचिव जैन ने अधिकारियों से कहा कि वे पिछले ढाई साल में अपने-अपने विभाग की बड़ी और विशेष उपलब्धियों और आगामी वर्ष में किए जाने वाले महत्वपूर्ण कार्यों की जानकारी अगले एक सप्ताह में प्रस्तुत करें। उन्होंने लोक सेवा गारंटी और सी.एम हेल्पलाइन के समय-सीमा से अधिक लंबित प्रकरणों में योजना और प्रक्रिया की जानकारी ली तथा अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे हर सप्ताह रिव्यू करें जिससे लंबित प्रकरणों में संतोषजनक निराकरण हो सके। उन्होंने आगामी वित्तीय वर्ष के लिए स्पष्ट लक्ष्य निर्धारित करने के निर्देश भी दिए। आजादी के पहले बने कानूनों की भी समीक्षा मुख्य सचिव जैन ने वर्ष 1947 के पूर्व बने कानूनों में संशोधन, निरसन और नया एक्ट लाने की वर्तमान स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने 31 मई की अंतिम समय-सीमा निर्धारित करते हुए संबंधित विभागाध्यक्षों से कहा है कि वे सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए इस कार्य को पूर्ण करें जिससे आवश्यक होने पर कैबिनेट की मंजूरी ली जा सके। बैठक में एक्शन प्लान-2028 की प्रगति रिपोर्ट का स्टेट्स रिव्यू भी किया गया। मुख्य सचिव जैन ने कहा कि प्रदेश में महिला सशक्तिकरण की दिशा में काफी बेहतर काम हुआ है। इन कार्यों को जन-जन तक लाने के लिए व्यापक प्रचार-प्रसार भी होना चाहिए। नए हैंडपंप के लिए एक दो दिनों में एसओपी जारी होगी मुख्य सचिव जैन ने जल गंगा संवर्धन अभियान में सम्मलित सभी ग्रामीण, नगरीय, वन क्षेत्र आदि के कार्यों की समीक्षा की और सभी संबंधित विभागों की प्रगति रिपोर्ट एक ही प्रारुप में रखने के निर्देश दिए। उन्होंने गर्मी के मौसम को दृष्टिगत रखते हुए पेयजल की सुगम उपलब्धता के लिए लगातार एक्शन मोड में काम करने को कहा। उन्होंने नए हैंडपंप खनन के लिए एक-दो दिन में एसओपी जारी करने के निर्देश दिए। बैठक में बताया गया कि जिलों में आवश्यकता अनुसार राइजर पाइप सहित अन्य सामग्री उपलब्ध करा दी गई है। आगजनी की घटनाओं पर काबू पाने बनाएं कार्ययोजना मुख्य सचिव जैन ने ग्रामीण अंचलों में अग्नि-दुर्घटनाओं की रोकथाम के अलावा बचाव कार्य के लिए योजना बनाने के लिए कहा है। उन्होंने गृह विभाग को निर्देश दिए कि वे थाना स्तर पर अग्नि शमन के लिए उपलब्ध टैंकर्स आदि की जानकारी एकत्र कर लें और नागरिकों तक इसे प्रचारित भी करें जिससे अग्नि दुघर्टना आदि की स्थिति में सहायता ली जा सके। उन्होंने गर्मीजनित रोगों के बचाव और उपचार की व्यवस्थाएं बेहतर करने के निर्देश दिए हैं। मुख्य सचिव जैन ने एमपीई-सेवा पोर्टल के उपयोग की समीक्षा की और इसे नागरिकों के लिए और भी आसान बनाने के निर्देश दिए। अब तक 1055 सेवाएं आनॅलाइन हुई हैं। उन्होंने कहा कि सभी विभाग अपनी-अपनी सेवाएं देखकर अद्यतन कर लें। बैठक में कैबिनेट के निर्णयों का समय पर पालन सुनिश्चित करने, न्यायालयीन प्रकरणों में संवेदनशीलता बरतने और अधीनस्थों की सी आर समय सीमा में लिखने पर भी चर्चा हुई। बैठक में अपर मुख्य सचिव, प्रमुख सचिव, सचिव सहित विभागाध्यक्ष उपस्थित रहे।
ग्वालियर में पुलिस पर फायरिंग करने वाले पांच गिरफ्तार:गांव में बदमाश पकड़ने गई पुलिस पर चलाई थीं गोलियां, बंदूक व कार बरामद

शराब दुकान के मैनेजर पर ढाई घंटे में दो बार हमला करने और उसके रिश्तेदार को गोली मारने वाले बदमाशों को पकड़ने पहुंची पुलिस की पनिहार के मिर्चा गांव में आरोपियों से आमने-सामने भिड़ंत हो गई थी। बदमाशों ने खेतों में पुलिस को घेरकर ताबड़तोड़ गोलियां चलाई थीं। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने दो बदमाशों को गिरफ्तार कर लिया था, जबकि पांच आरोपी फरार हो गए थे। बुधवार को पुलिस ने कार्रवाई करते हुए झांसी रोड के शीतला माता मंदिर रोड से फरार पांचों आरोपियों को भी गिरफ्तार कर लिया। इसके साथ ही मामले के सभी सात आरोपी पकड़े जा चुके हैं। टीआई शक्ति सिंह ने बताया कि सूचना मिली थी कि हत्या के प्रयास और पुलिस पर फायरिंग करने वाले आरोपी शीतला माता मंदिर रोड पर दो कारों में देखे गए हैं और जिले से भागने की तैयारी में हैं। सूचना मिलते ही एसआई आकाश वर्मा, एसआई राजवीर सिंह यादव, आरक्षक श्याम, रामवीर और अंगद को मौके पर रवाना किया गया। पुलिस टीम ने शीतला माता मंदिर रोड पर घेराबंदी की। इसी दौरान एक स्कॉर्पियो और क्रेटा कार आती दिखाई दी। पुलिस को देखते ही कार सवारों ने वाहन की गति बढ़ाकर भागने का प्रयास किया, लेकिन घेराबंदी कर दोनों कारों को रोक लिया गया। ये आरोपी पकड़े गए पुलिस ने घेराबंदी कर अमरेश गुर्जर, भूपेंद्र सिंह गुर्जर, बंटी गुर्जर, सतेंद्र गुर्जर और गजेंद्र सिंह गुर्जर को गिरफ्तार किया। इनके दो साथी शैलेन्द्र गुर्जर और गिर्राज गुर्जर को एक दिन पहले ही पकड़ा जा चुका था। आरोपियों के कब्जे से एक क्रेटा और स्कॉर्पियो कार के अलावा अधिया, .315 बोर की राइफल और कारतूस बरामद किए गए हैं। यह है मामला पनिहार थाना क्षेत्र के नयागांव में शराब दुकान के मैनेजर कुलदीप गुर्जर के साथ अमरेश गुर्जर, भूपेंद्र गुर्जर, सतेंद्र गुर्जर, गजेंद्र और बंटी गुर्जर ने मारपीट की थी। कुलदीप किसी तरह बचकर निकले और मामला दर्ज कराया। इससे नाराज आरोपियों ने झांसी रोड इलाके के शीतला माता मंदिर रोड स्थित याराना ढाबे पर पीड़ित पक्ष को घेरकर फायरिंग कर दी, जिसमें कुलदीप के मामा मोहर सिंह को गोली लग गई थी। पुलिस का कहना एसएसपी ग्वालियर धर्मवीर सिंह ने बताया कि मारपीट, हत्या के प्रयास और पुलिस पर फायरिंग के मामले में फरार पांच बदमाशों को झांसी रोड थाना पुलिस ने गिरफ्तार किया है। पकड़े गए आरोपियों से एक अधिया और राइफल बरामद हुई है। पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर रही है।
वेदविद्या प्रतिष्ठान के सचिव की नियुक्ति पर हाईकोर्ट का नोटिस:छड़ी से छात्र को पीटने के बाद फिर सुर्खियों में प्रतिष्ठान, जवाब के लिए 6 सप्ताह का समय

महर्षि सांदीपनि राष्ट्रीय वेद विद्या प्रतिष्ठान में छड़ी से छात्र की पिटाई का वीडियो वायरल होने के बाद अब प्रतिष्ठान के सचिव विरूपाक्ष जड्डीपाल की नियुक्ति को लेकर इंदौर हाईकोर्ट में याचिका दायर की गई है। मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय की इंदौर बेंच ने अहम आदेश जारी करते हुए महर्षि सांदीपनि राष्ट्रीय वेद विद्या प्रतिष्ठान के चेयरमैन, वाइस चेयरमैन, सचिव विरूपाक्ष जड्डीपाल सहित अन्य के खिलाफ नोटिस जारी कर छह सप्ताह में जवाब मांगा है। उच्च न्यायालय ने वेद शिक्षक स्वप्निल पाठक द्वारा दायर रिट याचिका में सचिव जड्डीपाल की नियुक्ति को अवैध बताया है। इसके बाद कोर्ट ने याचिका स्वीकार करते हुए नोटिस जारी कर छह सप्ताह में जवाब तलब किया है। एडवोकेट गार्गी पाठक ने बताया कि 9 जनवरी 2026 को इंदौर हाईकोर्ट में याचिका दायर की गई थी। याचिका में विरूपाक्ष जड्डीपाल की नियुक्ति को चुनौती दी गई है। उनके अनुसार वर्ष 2017 में जड्डीपाल की नियुक्ति उज्जैन के सांदीपनि वेद विद्या प्रतिष्ठान में सचिव पद पर हुई थी। हमने आरटीआई के माध्यम से मिनिस्ट्री ऑफ एजुकेशन और सांदीपनि वेद विद्या प्रतिष्ठान से नियम और आरआर की प्रतियां मांगीं, लेकिन दोनों जगह से कॉपी नहीं मिली। इसके बाद किए गए शोध में पता चला कि सचिव पद पर जड्डीपाल की नियुक्ति पूरी तरह अवैध है और उन्हें नियम विरुद्ध पद पर रखा गया है। गार्गी पाठक ने बताया कि सचिव पद की नियुक्ति के लिए सेंट्रल यूनिवर्सिटी का प्रोफेसर होना जरूरी है, जबकि उनकी नियुक्ति उस समय हुई जब वे 2017 में तिरुपति स्थित राष्ट्रीय संस्कृत विद्यापीठम नामक डीम्ड विश्वविद्यालय में एसोसिएट प्रोफेसर के पद पर कार्यरत थे। उनका डेप्युटेशन पीरियड 2022 में समाप्त हो गया था, इसके बाद भी मंत्रालय से डेप्युटेशन एक्सटेंशन नहीं हुआ, फिर भी वे 2026 तक सचिव पद पर बने हुए हैं। यह सेक्रेटरी पोस्ट ए ग्रेड की पब्लिक ऑफिसर की पोस्ट है, जिस पर नॉन पब्लिक ऑफिसर को बैठा दिया गया है। बिना पूर्व स्वीकृति के पद पर जमे रहे याचिकाकर्ता स्वप्निल पाठक ने बताया कि वर्ष 2022 में प्रारंभिक प्रतिनियुक्ति समाप्त होने के बाद भी डॉ. जड्डीपाल को उनके मूल संगठन वापस नहीं भेजा गया और वे बिना पूर्व स्वीकृति के पद पर अवैध रूप से बने रहे। बाद में 15 जून 2023 को मंत्रिमंडल की नियुक्ति समिति ने प्रतिष्ठान के ज्ञापन के नियम 19 के शब्दों में कथित हेरफेर कर 10 जुलाई 2024 को उनकी प्रतिनियुक्ति को अगले 5 वर्षों के लिए बढ़ा दिया। भारत सरकार के नियमों में प्रतिनियुक्ति को 7 वर्ष से अधिक बढ़ाने का कोई प्रावधान नहीं है, जिससे यह विस्तार अवैध हो जाता है। प्रतिष्ठान के ज्ञापन के नियम 19 में 10 वर्षों की प्रतिनियुक्ति का कोई उल्लेख नहीं है। भर्ती और प्रशासनिक अनियमितताओं के गंभीर आरोप याचिका में आरोप लगाया गया है कि डॉ. जड्डीपाल प्रतिष्ठान के सचिव के रूप में अपने पद का दुरुपयोग कर रहे हैं और संस्थान के उद्देश्यों के विरुद्ध कार्य कर रहे हैं। उनके कार्यकाल में भारी भर्ती अनियमितताएं, प्रशासनिक धोखाधड़ी और वैदिक विद्वानों तथा वेद पाठशालाओं का उत्पीड़न हुआ है, जो जन नीति के विरुद्ध बताया गया है। याचिकाकर्ता का कहना है कि पूर्णतः अपात्र होने के कारण वे इस पद पर बने रहने के अयोग्य हैं और उन्हें तत्काल पद से हटाया जाना चाहिए। इसी को लेकर उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया गया है। ये खबर भी पढ़ें.. गुरुकुल में छात्र को डंडे से पीटा…दर्द से चीखता रहा,VIDEO उज्जैन में महर्षि सांदीपनी राष्ट्रीय वेदविद्या संस्थान (गुरुकुल) में एक टीचर ने छात्र को डंडे से बेरहमी से पीटा। इस दौरान छात्र दर्द से चीखता रहा, लेकिन टीचर लगातार उसे मारता रहा। घटना का वीडियो शनिवार को सामने आया है। बताया जा रहा है कि वह छात्र को दूसरे के बिस्तर पर सोने की बात पर पीट रहा था।पूरी खबर पढ़ें
एक साल के बच्चे के गले में फंसी जिंदा मछली:इंदौर में खेल-खेल में निगल गया; डॉक्टरों ने ऑपरेशन कर निकाली 3 इंच की मछली

मध्य प्रदेश के इंदौर में एक साल के बच्चे के साथ हैरान करने वाला मामला सामने आया। खेल-खेल में एक छोटी जिंदा मछली उसके मुंह में चली गई, जो गले के पिछले हिस्से में जाकर फंस गई। इसके बाद बच्चे को सांस लेने में दिक्कत होने लगी और उसकी हालत गंभीर हो गई। परिजन उसे तुरंत महाराजा यशवंतराव अस्पताल (एमवाय) लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उसकी स्थिति को देखते हुए तुरंत इमरजेंसी उपचार शुरू किया। ईएनटी विभाग की टीम ने ऑपरेशन कर करीब 3 इंच की मछली को बाहर निकाला। समय पर इलाज मिलने से बच्चे की सांस सामान्य हो गई। डॉक्टर बोले- जोखिमभरा था ऑपरेशन डॉक्टरों के अनुसार, सबसे बड़ी चुनौती यह थी कि मछली जिंदा थी। उसके गलफड़ों और पंखों की हलचल से बच्चे के स्वर-यंत्र और भोजन नली को नुकसान पहुंचने का खतरा था। ऐसे में ऑपरेशन बेहद जोखिम भरा था और जरा सी चूक जानलेवा साबित हो सकती थी। परिजन बोले- लगा सांस नहीं ले पाएगा परिजनों के मुताबिक, बच्चे की हालत देखकर वे घबरा गए थे। उसे सांस लेने में कठिनाई, घबराहट और मुंह से खून आने जैसी समस्याएं हो रही थीं। उन्होंने बताया कि उन्हें लगा था कि बच्चा सांस नहीं ले पाएगा, लेकिन डॉक्टरों ने समय पर इलाज कर उसकी जान बचा ली। डॉक्टर बोलीं-मामला बेहद दुर्लभ, चुनौतीपूर्ण ईएनटी विभागाध्यक्ष डॉ. यामिनी गुप्ता ने बताया कि यह मामला बेहद दुर्लभ और चुनौतीपूर्ण था। इतनी कम उम्र में इस तरह का केस मध्य भारत में पहले देखने को नहीं मिला है। विशेषज्ञों ने बताया कि छोटे बच्चों में इस तरह की घटनाएं बेहद खतरनाक हो सकती हैं, क्योंकि उनकी सांस की नली संकरी होती है।
लिंगभेद के आरोप पर मेल नर्सिंग छात्रों की याचिका:100% महिला आरक्षण को चुनौती, 800 पदों पर हो रही है मेडिकल कालेज में नर्स भर्ती

मध्य प्रदेश के सरकारी मेडिकल कॉलेजों में नर्सिंग ऑफिसर के पदों पर होने वाली 800 से अधिक पदों पर भर्ती प्रक्रिया विवादों में घिर गई है। मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय, जबलपुर के जस्टिस विशाल घगट की एकलपीठ ने सरकार एवं ईएसबी से पूछा है कि नर्सिंग ऑफिसर के पदों में महिलाओं को 100 प्रतिशत आरक्षण किस आधार पर दिया जा रहा है। मामले में अगली सुनवाई 15 अप्रैल को होगी। संतोष कुमार लोधी एवं अन्य पुरुष अभ्यर्थियों ने हाईकोर्ट में याचिका दायर कर हाल ही में जारी नर्सिंग ऑफिसर के भर्ती विज्ञापन को चुनौती दी है। याचिकाकर्ताओं की ओर अधिवक्ता विशाल बघेल ने कोर्ट को बताया कि कर्मचारी चयन मंडल द्वारा 2 अप्रैल 2026 को जारी विज्ञापन (नर्सिंग ऑफिसर एवं सिस्टर ट्यूटर भर्ती परीक्षा-2026) में नर्सिंग ऑफिसर के पदों को 100% केवल महिला उम्मीदवारों के लिए आरक्षित कर दिया गया है। इससे योग्य पुरुष अभ्यर्थी आवेदन करने से पूरी तरह वंचित हो गए हैं। याचिकाकर्ताओं के अनुसार, ‘मध्य प्रदेश चिकित्सा शिक्षा (अराजपत्रित) सेवा भर्ती एवं पदोन्नति नियम, 2023’ के तहत नर्सिंग ऑफिसर के पद के लिए कोई लिंग-आधारित प्रतिबंध नहीं है। मेडिकल कॉलेजों में नर्सिंग ऑफिसर के भर्ती विज्ञापन में किया गया यह प्रावधान वैधानिक नियमों के विपरीत है याचिका में तर्क दिया गया है कि पुरुष और महिला दोनों एक ही पाठ्यक्रम (B.Sc. नर्सिंग/ GNM) पढ़ते हैं और उनके पास समान योग्यता व पंजीकरण होता है। याचिकाकर्ता की और से बताया गया कि केवल लिंग के आधार पर सार्वजनिक रोजगार से पूर्णतः बाहर करना भारतीय संविधान के अनुच्छेद 14, 15 और 16 का उल्लंघन है। याचिका में मांग की गई है कि विज्ञापन के उस हिस्से को निरस्त किया जाए जो 100% पदों को महिलाओं के लिए आरक्षित करता है। ये खबर भी पढ़ें… हाईकोर्ट ने विधायक संजय पाठक को किया तलब भाजपा विधायक संजय पाठक के अवैध खनन मामले में हाईकोर्ट जस्टिस को फोन लगाने के आपराधिक अवमानना मामले में चीफ जस्टिस की कोर्ट ने स्वत संज्ञान लिया है। सोमवार को इस मामले में सुनवाई हुई और अदालत ने संजय पाठक को तलब किया है।पूरी खबर पढ़ें
इम्यूनिटी बूस्ट करने से लेकर बीपी कंट्रोल करने तक, खरबूज के बीज में छिपा सेहत का राज, फेंकने की भूल न करें

Last Updated:April 08, 2026, 23:37 IST Muskmelon Seeds Benefits: खरबूज ही नहीं इसके बीज भी सेहत के लिए बहुत फायदेमंद साबित होते हैं. ये एक प्राकृतिक और सस्ता सुपरफूड हैं, जो बिना किसी नुकसान के शरीर को मजबूत बनाते हैं. इसलिए इन्हें रोजाना के खाने में शामिल करना एक अच्छा विकल्प है. ख़बरें फटाफट अच्छी सेहत के लिए रोजाना के खाने में छोटे-छोटे बदलाव करना बहुत फायदेमंद होता है. हेल्थ एक्सपर्ट्स भी सलाह देते हैं कि पोषक तत्वों से भरपूर खरबूजे के बीजों को अपने आहार में शामिल करें. ये छोटे-छोटे बीज शरीर को कई तरह से फायदा पहुंचाते हैं. National Health Mission के अनुसार, खरबूजे के बीज प्रोटीन, फाइबर, विटामिन और मिनरल्स से भरपूर होते हैं. ये शरीर की इम्युनिटी बढ़ाने, हाई ब्लड प्रेशर को नियंत्रित करने और कब्ज जैसी समस्याओं को दूर करने में मदद करते हैं. इसलिए इन्हें रोजाना के खाने में शामिल करना एक अच्छा विकल्प है. खरबूज के बीज के फायदेआयुर्वेद के अनुसार, खरबूजे के बीज स्वास्थ्य के लिए बहुत उपयोगी माने जाते हैं। इनमें मौजूद प्रोटीन मांसपेशियों को मजबूत करता है. फाइबर पाचन तंत्र को बेहतर बनाता है और कब्ज की समस्या को कम करता है. साथ ही, इसमें मौजूद विटामिन और खनिज शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में मदद करते हैं. इन बीजों का नियमित सेवन शरीर की रक्षा प्रणाली को मजबूत करता है, जिससे सर्दी-जुकाम जैसी आम बीमारियों से बचाव होता है. ये शरीर में सोडियम का स्तर संतुलित रखते हैं, जिससे ब्लड प्रेशर नियंत्रित रहता है. फाइबर की अच्छी मात्रा होने के कारण ये पाचन को सही रखते हैं और पेट साफ रखने में मदद करते हैं. साथ ही, ये दिमाग को तेज बनाने और याददाश्त सुधारने में भी सहायक होते हैं. खरबूजे के बीज बालों और नाखूनों के लिए भी फायदेमंद होते हैं. इनमें मौजूद पोषक तत्व बालों को मजबूत बनाते हैं और नाखूनों को स्वस्थ रखते हैं. डाइट में शामिल करने का तरीकाइन्हें अपनी डाइट में शामिल करना बहुत आसान है. आप इन्हें हल्का भूनकर नमक या मसालों के साथ स्नैक की तरह खा सकते हैं. इसके अलावा, सलाद, दही या नाश्ते में भी मिला सकते हैं. कुछ लोग इन्हें चाय या दूध के साथ भी लेना पसंद करते हैं. विशेषज्ञ मानते हैं कि अगर रोज थोड़ी मात्रा में इन बीजों का सेवन किया जाए, तो शरीर को कई फायदे मिल सकते हैं. ये एक प्राकृतिक और सस्ता सुपरफूड हैं, जो बिना किसी नुकसान के शरीर को मजबूत बनाते हैं. About the Author शारदा सिंहSenior Sub Editor शारदा सिंह बतौर सीनियर सब एडिटर News18 Hindi से जुड़ी हैं. वे हेल्थ, वेलनेस और लाइफस्टाइल से जुड़ी रिसर्च-बेस्ड और डॉक्टर्स के इंटरव्यू पर आधारित रिपोर्ट्स बनाने में एक्सपर्ट हैं. शारदा पिछले 5 सालों से मीडिया …और पढ़ें Location : New Delhi,Delhi First Published : April 08, 2026, 23:37 IST Disclaimer: इस खबर में दी गई दवा/औषधि और स्वास्थ्य से जुड़ी सलाह, एक्सपर्ट्स से की गई बातचीत के आधार पर है. यह सामान्य जानकारी है, व्यक्तिगत सलाह नहीं. इसलिए डॉक्टर्स से परामर्श के बाद ही कोई चीज उपयोग करें. Local-18 किसी भी उपयोग से होने वाले नुकसान के लिए जिम्मेदार नहीं होगा.
मटका दाल रेसिपी: वीकेंड पर कुछ अलग, मटके में बनी ये दाल पूरा परिवार का पुल बांध देगा; जानें खास रेसिपी

8 अप्रैल 2026 को 23:32 IST पर अद्यतन किया गया इस बार सप्ताहांत पर आप मिट्टी के मटके में स्वादिष्ट दाल बना सकते हैं। पढ़ें आसान रेसिपी। ये प्राचीन परंपरा और अनोखा स्मोकी फ्लेवर आपके पूरे परिवार को काफी पसंद आएगा। इन खाने में स्वाद तो है कि साथ ही मटके में दाल बनाने से पोषण भी जरूरी रहता है। घर पर टिकट बनवायें। (टैग्सटूट्रांसलेट)मिट्टी के बर्तन में दाल बनाने की विधि(टी)मिट्टी के बर्तन में दाल कैसे बनाएं(टी)मिट्टी के बर्तन में तड़का दाल(टी)वीकेंड दाल पकाने की विधि(टी)पारंपरिक भारतीय मिट्टी के बर्तन में पकाने की विधि(टी)मटका में दाल कैसे बनाएं
पत्नी के सामने युवक की गोली मारकर हत्या:भिंड में बाजार से लौटते समय बदमाशों ने की फायरिंग, बाइक से पीछा करते आए

भिंड के अटेर थाना क्षेत्र के चंबल बीहड़ में बुधवार रात एक युवक की गोली मारकर हत्या कर दी गई। वारदात रात करीब 8:30 बजे की है, जब बाइक सवार अज्ञात बदमाशों ने युवक के सिर में गोली मार दी और मौके से फरार हो गए। घटना से क्षेत्र में दहशत फैल गई है। मृतक की पहचान नितेश जाटव (25) पुत्र पातीराम जाटव निवासी खिरिका के रूप में हुई है। वह अपनी पत्नी रूबी के साथ भिंड से खरीदारी कर गांव लौट रहा था। रमता गांव के पास बीहड़ क्षेत्र में पहुंचने पर बाइक पर रखा सामान गिर गया। नितेश ने बाइक रोकी और पत्नी के साथ सामान उठाने लगा, तभी पीछे से आए बदमाशों ने नजदीक से उसके सिर में गोली मार दी। गोली लगते ही उसकी मौके पर ही मौत हो गई। पूरी वारदात पत्नी के सामने हुई, जिससे वह सदमे में है। सूचना मिलते ही अटेर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया गया है। आपसी रंजिश में हत्या की आशंका प्रारंभिक जांच में मामला सुनियोजित हत्या का प्रतीत हो रहा है। सुनसान बीहड़ में वारदात को अंजाम देने से आरोपियों की पूर्व योजना की आशंका जताई जा रही है। पुलिस आपसी रंजिश समेत सभी पहलुओं पर जांच कर रही है। एसडीओपी रविंद्र वास्कले ने बताया कि अज्ञात आरोपियों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर लिया गया है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीम गठित कर तलाश जारी है और पूरे मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है।
Glowing Skin: प्रियंका चोपड़ा की मां ने बताया ग्लोइंग स्किन का राज, किचन में राखी ये 5 चीजें लगा लें; 7 दिन में चमकता हुआ चेहरा

चमकती त्वचा के घरेलू उपाय: हर कोई चाहता है कि उसकी स्किन क्लीन, ग्लोइंग और डॉक्यूमेंट्री डॉक्यूमेंट्री। लेकिन महाराष्ट्र क्रीम और उत्पाद हर किसी के बस की बात नहीं है। ऐसे में घरेलू गुण सबसे अधिक लाभकारी साबित होते हैं। खासकर जब ये स्टाइलिश बॉलीवुड स्टार प्रियंका चोपड़ा की मां डॉ. मधु चोपड़ा से स्टूडियो हो तो उसकी लोकप्रियता और बढ़ती है। हाँ, डॉ. मधु चोपड़ा ने एक आसान DIY फेस पैक शेयर किया है जिसे वे खुद इस्तेमाल करती हैं और प्रियंका भी इस पर पूरा भरोसा करती हैं। बेसन और हल्दी से बना यह उबटन त्वचा को गहराई से साफ करता है, निखार लाता है और कई मसालें दूर करने में मदद करता है। यह बेसन-हल्दी फेसबुक पैक क्यों खास है? डॉ. मधु चोपड़ा का कहना है कि उन्होंने आज तक चेहरे पर साबुन या साबुन का इस्तेमाल नहीं किया। वे पुराने से इस घरेलू उबटन पर भरोसा करते हैं। बेसन त्वचा की गंदगी और अतिरिक्त तेल निकाला जाता है। हल्दी में एंटी-एजेंट और एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण होते हैं जो पिंपल्स और इंफेक्शन को अलग करते हैं। यह पैक त्वचा को सिर्फ साफ नहीं करता, बल्कि आकर्षक, चमकदार और स्वस्थ भी बनाता है। यही कारण है कि यह टैक्सी आज भी घर-घर में आदर्श है। • 1 बेसन•थोड़ी सी घर की बनी मलाई• 1 मोतियाबिंद• एक चुटकी हल्दी• थोड़ा ठंडा दूध बेसन में एक बाउल रखा गया। इसमें मलाई और दही की दुकानें शामिल हैं। फिर हल्दी स्थिर महान से फेंटें। जरूरत है छोटे दूध के एस्ट्रोलॉजी पेस्टीस्ट तैयार करने की। पेस्ट को चेहरे और गर्दन पर अच्छी तरह का पहनावा। 15 से 20 मिनट तक का इंतज़ार। फिर प्यास गुनगुने पानी से धो लें। प्रयुक्त के बाद स्किन मुख्य ताजा और ग्लोइंग स्टॉक। डॉ. मधु चोपड़ा विशेष सलाह देते हैं कि इसकी आंखों के नीचे कोई उत्पाद नहीं है, क्योंकि वहां की त्वचा बहुत प्यारी है। सेंस निरपेक्ष दुकानदारों के लिए दूसरा पद अगर बेसन सूट न करे तो आटे का आटा इस्तेमाल करें। हल्दी से एलर्जी हो सकती है तो नींबू का रस दाल हो सकता है। प्रोडक्ट्स से परेशानी हो तो टमाटर या आलू का रस। ये सब स्किन को साफ और चमकदार बनाने में मदद करते हैं। तो अब आपको सरकारी उत्पादों की जरूरत नहीं, सही और नियमित देखभाल ही असली राज है। डॉ. मधु चोपड़ा का यह घरेलू फेस पैक इसका प्रमाण है। अगर आप भी ऑनलाइन शॉपिंग तरीकों से चेहरा निखारना चाहते हैं तो इस आसान नुस्खे को जरूर आजमाएं। नियमित रूप से इस्तेमाल से फ़ेक खुद महसूस करेंगे। (टैग्सटूट्रांसलेट) मधु चोपड़ा फेस पैक (टी) बेसन हल्दी उबटन (टी) घरेलू चमकदार त्वचा उपचार (टी) प्राकृतिक रसोई त्वचा देखभाल (टी) प्रियंका चोपड़ा माँ
मंदसौर में गुरुवार को 5 घंटे बिजली कटौती:कालिदास मार्ग, पुराना बस स्टैंड, अम्बेडकर चौराहा समेत कई इलाकों में गुल रहेगी बत्ती

मंदसौर शहर के विभिन्न क्षेत्रों में गुरुवार को बिजली आपूर्ति अस्थायी रूप से बंद रहेगी। सहायक यंत्री के अनुसार 11 केवी लाइनों के मानसून पूर्व आवश्यक रख-रखाव कार्य के चलते निर्धारित समय पर बिजली सप्लाई बाधित की जाएगी। गुरुवार को मंदसौर शहर के घण्टाघर अंतर्गत किला फीडर पर कार्य किया जाएगा। इसके चलते पसुबह 7:30 बजे से दोपहर 12 बजे तक बिजली सप्लाई बंद रहेगी। इस दौरान कालिदास मार्ग, पुराना बस स्टैंड, अम्बेडकर चौराहा और घण्टाघर सहित आसपास के क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति प्रभावित रहेगी। विभाग ने उपभोक्ताओं से सहयोग की अपील करते हुए बताया है कि रख-रखाव कार्य की आवश्यकता के अनुसार समय में परिवर्तन (घटाया या बढ़ाया) भी किया जा सकता है। बिजली विभाग ने नागरिकों से असुविधा के लिए खेद व्यक्त करते हुए आवश्यक कार्य पूर्व में ही निपटाने की सलाह दी है।





