Friday, 09 Oct 2026 | 09:57 PM

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Amritsar Girl Grooming Case | London Student Forced Marriage Controversy

Amritsar Girl Grooming Case | London Student Forced Marriage Controversy

लंदन में दोस्तों ने जब ढूंढ़े हुए उसके घर पहुंच, तो वह घर से बाहर निकली और बात की। अमृतसर की रहने वाली सिख युवती को ग्रूम कर मुस्लिम बना दिया गया। वह करीब 2 साल पहले पढ़ाई के लिए गई लंदन गई थी। अब वह पिछले 1 महीने से अपने माता-पिता को फोन नहीं कर रही थी। जब परिवार को शक हुआ तो सिख कम्युनिटी के लोगों से संपर्क किया। . दोस्तों ने जब ढूंढ़ा तो युवती मुस्लिम के घर मिली। सिख समुदाय के लोगों ने दरवाजा खटखटाया तो पूछा कि कमलप्रीत कौर यहीं रहती है। इस पर मुस्लिम महिला ने उसे आइरा कहकर आवाज दी जिससे कंफर्म हो गया कि वह मुस्लिम बन चुकी है। युवती से जब पूछा गया कि तुम पिता का फोन क्यों नहीं उठा रही और बात क्यों नहीं कर रही तो उसका सीधा जवाब था कि आप फोन कर बता दो। मैं भी बता दूंगी मुझे कोई समस्या नहीं है। सिख समुदाय ने युवती की ग्रूमिंग की पूरी कहानी बताई….युवक कौन है, युवती कैसे उसके संपर्क में आई, फिर शादी कर कैसे बदला धर्म, पढ़िए पूरी कहानी….. कमलप्रीत कौर को ढूंढ़ते हुए दोस्त उसके घर पहुंचे, जहां पर उसकी सास मिली, उसने कमलप्रीत को आइरा कहके उसे बाहर बुलाया। लड़की के पिता ने बताया कैसे बटी को फंसाया.. मुस्लिम ट्रैक्सी ड्राइवर से ड्राइविंग सीखने लगी: अमृतसर के अमृतधारी सिख परिवार की लड़की कमलप्रीत कौर करीब 2 साल पहले पढ़ाई के लिए लंदन गई थी। वहां ड्राइविंग सीखने के दौरान 6 महीने पहले वह पाकिस्तानी मूल के एक मुस्लिम ड्राइविंग टीचर के संपर्क में आ गई। परिजनों का आरोप है कि उस व्यक्ति ने लड़की का ब्रेनवॉश करके उसे अपने जाल में फंसा लिया और उसका धर्म परिवर्तन करवा दिया। आरोपी पहले से कर चुका दो शादियां: पीड़ित परिवार के अनुसार, आरोपी पहले से ही दो शादियां कर चुका है। उसने लड़की को उसके परिवार से पूरी तरह से अलग कर दिया है और उसका नाम बदलकर आइरा रख दिया है। लड़की ने पिछले एक महीने से अपने माता-पिता के फोन उठाने बंद कर दिए हैं, जिससे चिंतित होकर परिजनों ने मीडिया और सिख समुदाय से मदद की गुहार लगाई। बेटी धार्मिक थी और नितनेम करती थी: लड़की के पिता ने बताया कि उनकी बेटी पहले बहुत धार्मिक थी और नियमित रूप से पाठ व सेवा करती थी। आरोपी ने उसका मानसिक रूप से धर्मांतरण कराकर उसकी धार्मिक पहचान को दूर कर दिया है। पिता को आशंका है कि उनकी बेटी का शोषण किया जा सकता है या उसे किसी गलत हाथों में बेचा जा सकता है, इसलिए वे बहुत टेंशन में हैं। बेटी को मुस्लिम के चुंगल से छुड़ाया जाए: पीड़ित परिवार ने केंद्र सरकार, ब्रिटेन की सिख संस्थाओं और स्थानीय गुरुद्वारा कमेटियों से अपील की है कि वे एकजुट होकर उनकी बेटी को सुरक्षित बाहर निकालें। उन्होंने मांग की है कि लड़की को आरोपी के चंगुल से आजाद कराकर जल्द से जल्द भारत वापस भेजा जाए ताकि उसको फिर से सिखी के साथ जोड़ा जा सके। कमलप्रीत कौर करीब 2 साल पहले पढ़ाई के लिए लंदन गई थी। सिख समुदाय से हुई युवती की बात… दोस्त: क्या यह कमलप्रीत का घर है? क्या कमलप्रीत यहां हैं? मुस्लिम महिला: आइरा (आवाज लगाती है) दोस्त: मैं उसकी फ्रेंड हूं। कमलप्रीत: हाय। (बाहर आती है) दोस्त: कमलप्रीत हो आप? कमलप्रीत: हां मैं ही हूं। दोस्त: एक महीने से आपके पापा आपसे संपर्क करने की कोशिश कर रहे हैं, आपने फोन नहीं उठाया। आपके पिता जी कहते हैं कि वे अमृतधारी हैं, उन्होंने अमृत छका हुआ है और आप कहती हैं कि आपने भी अमृत छका हुआ था। इसमें सच्चाई कितनी है? कमलप्रीत: हां, पहले अमृत छका हुआ था। मैंने आज से लगभग 6 महीने पहले सब छोड़ दिया। दोस्त: ओके। हमें पता चला है कि उस लड़के ने पहले दो शादियां की हैं? कमलप्रीत: हां, पता है, इनमें चलता है। दोस्त: क्या आपने सिख धर्म छोड़ दिया है? कमलप्रीत: मैंने कड़ा और सिरी साहिब उतार दिया ताकि मुझसे कोई गुनाह न हो, दैट्स इट। दोस्त: ओके, तो अब आप अपने पिता जी से खुद संपर्क करके कहेंगी कि मैं ठीक हूँ, मैं खुश हूँ? आप उनको मैसेज भेज सकती हैं? कमलप्रीत: आप भी भेज सकते हैं, मैं खुद भी कर दूंगी। दोस्त: आपने एक महीना हो गया बात नहीं की। कमलप्रीत: आप भी उनको फोन कर सकते हैं। दोस्त: वाहेगुरु जी की फतेह! कमलप्रीत: ठीक है। ************* ये खबर भी पढ़ें: PAK ग्रूमिंग गैंग ने लंदन में सिख युवती को फंसाया: ब्रेनवॉश किया, नितनेम-गुरुद्वारा जाना छोड़ा, पुलिस को कंप्लेंट कर घर छोड़ चली गई इंग्लैंड (UK) में पंजाबी युवती पाकिस्तानी ग्रूमिंग गैंग के चंगुल में फंस गई। युवती की मां ने एक पंजाबी चैनल से बातचीत में कहा कि उसकी 19 साल की बेटी है। वह नितनेम करती, गुरुद्वारे जाकर सेवा करती थी लेकिन गैंग ने उसे फंसा लिया। उसने सब कुछ छोड़ दिया। (पढ़ें पूरी खबर)

Bipasha Basu Body Shaming Controversy

Bipasha Basu Body Shaming Controversy

5 मिनट पहले कॉपी लिंक एक्ट्रेस बिपाशा बसु ने हाल ही में बताया कि उनकी बेटी के जन्म के बाद वजन और शरीर को लेकर उन्हें ट्रोलिंग का सामना करना पड़ा था। बिपाशा ने ‘एल इंडिया’ से बातचीत में कहा कि महिलाओं से उम्मीद की जाती है कि वे बच्चे को जन्म देने के बाद भी 20 साल की उम्र जैसा शरीर बना लें। बिपाशा बोलीं- महिलाओं के शरीर को लेकर सोच अजीब बिपाशा ने कहा, “आज भी महिलाओं के शरीर को लेकर होने वाली बातें काफी अजीब हैं। ऐसा लगता है कि बच्चे को जन्म देने के बाद 40 की उम्र में भी आपको 20 साल की उम्र जैसी बॉडी में वापस आ जाना चाहिए।” उन्होंने कहा, “20 साल की महिला से जो उम्मीद की जाती है, वही 40 साल की महिला से भी की जाती है। अगर आप जल्दी अपनी पुरानी शेप में नहीं लौटतीं, तो आपको ट्रोल किया जाएगा। लोग बहुत बेरहमी से पेश आएंगे।” बिपाशा बसु ने 43 साल की उम्र में अपनी पहली बेटी को जन्म दिया था। बिपाशा बोलीं- पैपराजी ने मेरी अजीब तस्वीरें खींचीं बिपाशा ने बेटी देवी के जन्म के बाद खुद इसका सामना किया। उन्होंने कहा, “मुझे बहुत ज्यादा ट्रोलिंग झेलनी पड़ी। कुछ पैपराजी ने मेरी बेहद अजीब तस्वीरें खींचीं। वे यह नहीं देखते कि एक महिला कितनी मेहनत कर रही है। बच्चे के साथ उसे कितना कुछ संभालना पड़ता है। उसकी जिंदगी, लाइफस्टाइल और निजी परेशानियां भी होती हैं, लेकिन किसी को इसकी परवाह नहीं होती। हर कोई बस यही चाहता है कि महिला जल्दी अपनी पुरानी बॉडी शेप में लौट आए।” बिपाशा बोलीं- ट्रोलिंग उन्हें तोड़ नहीं सकती बिपाशा ने कहा, “मैं बेहद आत्मविश्वासी इंसान हूं, इसलिए किसी भी तरह की ट्रोलिंग मुझे तोड़ नहीं सकती। मुझे पता है कि मेरा सफर क्या है, मुझे पता है कि मुझे कौन-सी मेहनत करनी है और कब करनी है। मैं उसी के हिसाब से आगे बढ़ूंगी।” बिपाशा ने यह भी कहा कि मैंने सभी से खुद से प्यार करो की बात कहना शुरू किया, क्योंकि मुझे एहसास हुआ कि बात सिर्फ अच्छा दिखने की नहीं है। यह उससे कहीं ज्यादा अंदर की चीज है। आपको हेल्दी रहना जरूरी है। शादी के 6 साल बाद बेटी का जन्म हुआ था बिपाशा बसु और करण सिंह ग्रोवर ने शादी के 6 साल बाद बेटी का स्वागत किया था। उनकी बेटी देवी का जन्म 12 नवंबर 2022 को हुआ था। बिपाशा कुछ समय से बड़े पर्दे से दूर हैं। प्रेग्नेंसी के बाद उनके वजन बढ़ने को लेकर भी काफी चर्चा हुई है। इसी बीच उन्होंने बच्चे के जन्म के बाद हुई ट्रोलिंग का अनुभव साझा किया। बिपाशा और करण की शादी 2016 में हुई थी। इंस्टाग्राम पोस्ट में बताया था बेटी का नाम बिपाशा ने इंस्टाग्राम पर एक पोस्ट शेयर कर बेटी के जन्म की जानकारी दी थी। इसी पोस्ट में उन्होंने बेटी का नाम भी बताया था। पोस्ट में लिखा था, “12.11.2022. देवी बसु सिंह ग्रोवर। हमारे प्यार और मां के आशीर्वाद का साकार रूप अब हमारे साथ है और वह दिव्य है।” बिपाशा की पोस्ट। इंटरव्यू में बेटी पर बात करते हुए बिपाशा ने कहा, “मैं अपनी जिंदगी के कुछ हिस्से शेयर करती हूं, क्योंकि मुझे ऐसा करना अच्छा लगता है और मुझे अपनी जिंदगी पर गर्व है, लेकिन मैं नहीं चाहती कि इतनी कम उम्र में मेरी बेटी को किसी तरह के जजमेंट का सामना करना पड़े। मुझे लगता है कि यह हर किसी की अपनी पसंद है। आप जितना प्राइवेट रहना चाहें, रह सकते हैं और जितना पब्लिक रहना चाहें, रह सकते हैं।” एक्ट्रेस ने आगे कहा कि जब देवी अचानक मुझे खूबसूरत कहती है, तो यह बात सीधे दिल को छू जाती है। मुझे लगता है कि अब मुझे किसी और से कॉम्प्लिमेंट की जरूरत नहीं है, क्योंकि मेरी बेटी मुझे खूबसूरत मानती है।” ……………. यह खबर भी पढ़ें… मृणाल ठाकुर ने बिपाशा पर किए कमेंट्स पर माफी मांगी:पुराने वीडियो पर सफाई देते हुए कहा- बॉडी शेमिंग करने का इरादा नहीं था पिछले साल मृणाल ठाकुर ने पुराने वायरल वीडियो में बिपाशा बसु पर किए कमेंट्स को लेकर माफी मांगी थी। उन्होंने इंस्टाग्राम स्टोरी पर लिखा था कि 19 साल की उम्र में उन्होंने कई बेवकूफी भरी बातें की थीं। उन्हें तब अपने शब्दों के असर का अंदाजा नहीं था। मृणाल ने कहा था कि उनका किसी की बॉडी शेमिंग करने का इरादा नहीं था। वह इंटरव्यू में मजाक कर रही थीं, जो ज्यादा हो गया था। उन्होंने माना था कि उन्हें अपने शब्द अलग तरह से चुनने चाहिए थे। मृणाल ने यह भी कहा था कि समय के साथ उन्होंने समझा कि खूबसूरती हर रूप में होती है। वीडियो वायरल होने के बाद उनकी आलोचना हुई थी। पूरी खबर यहां पढ़ें… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔

Bipasha Basu Body Shaming Controversy

Bipasha Basu Body Shaming Controversy

1 घंटे पहले कॉपी लिंक एक्ट्रेस बिपाशा बसु ने हाल ही में बताया कि उनकी बेटी के जन्म के बाद वजन और शरीर को लेकर उन्हें ट्रोलिंग का सामना करना पड़ा था। बिपाशा ने ‘एल इंडिया’ से बातचीत में कहा कि महिलाओं से उम्मीद की जाती है कि वे बच्चे को जन्म देने के बाद भी 20 साल की उम्र जैसा शरीर बना लें। बिपाशा बोलीं- महिलाओं के शरीर को लेकर सोच अजीब बिपाशा ने कहा, “आज भी महिलाओं के शरीर को लेकर होने वाली बातें काफी अजीब हैं। ऐसा लगता है कि बच्चे को जन्म देने के बाद 40 की उम्र में भी आपको 20 साल की उम्र जैसी बॉडी में वापस आ जाना चाहिए।” उन्होंने कहा, “20 साल की महिला से जो उम्मीद की जाती है, वही 40 साल की महिला से भी की जाती है। अगर आप जल्दी अपनी पुरानी शेप में नहीं लौटतीं, तो आपको ट्रोल किया जाएगा। लोग बहुत बेरहमी से पेश आएंगे।” बिपाशा बसु ने 43 साल की उम्र में अपनी पहली बेटी को जन्म दिया था। बिपाशा बोलीं- पैपराजी ने मेरी अजीब तस्वीरें खींचीं बिपाशा ने बेटी देवी के जन्म के बाद खुद इसका सामना किया। उन्होंने कहा, “मुझे बहुत ज्यादा ट्रोलिंग झेलनी पड़ी। कुछ पैपराजी ने मेरी बेहद अजीब तस्वीरें खींचीं। वे यह नहीं देखते कि एक महिला कितनी मेहनत कर रही है। बच्चे के साथ उसे कितना कुछ संभालना पड़ता है। उसकी जिंदगी, लाइफस्टाइल और निजी परेशानियां भी होती हैं, लेकिन किसी को इसकी परवाह नहीं होती। हर कोई बस यही चाहता है कि महिला जल्दी अपनी पुरानी बॉडी शेप में लौट आए।” बिपाशा बोलीं- ट्रोलिंग उन्हें तोड़ नहीं सकती बिपाशा ने कहा, “मैं बेहद आत्मविश्वासी इंसान हूं, इसलिए किसी भी तरह की ट्रोलिंग मुझे तोड़ नहीं सकती। मुझे पता है कि मेरा सफर क्या है, मुझे पता है कि मुझे कौन-सी मेहनत करनी है और कब करनी है। मैं उसी के हिसाब से आगे बढ़ूंगी।” बिपाशा ने यह भी कहा कि मैंने सभी से खुद से प्यार करो की बात कहना शुरू किया, क्योंकि मुझे एहसास हुआ कि बात सिर्फ अच्छा दिखने की नहीं है। यह उससे कहीं ज्यादा अंदर की चीज है। आपको हेल्दी रहना जरूरी है। शादी के 6 साल बाद बेटी का जन्म हुआ था बिपाशा बसु और करण सिंह ग्रोवर ने शादी के 6 साल बाद बेटी का स्वागत किया था। उनकी बेटी देवी का जन्म 12 नवंबर 2022 को हुआ था। बिपाशा कुछ समय से बड़े पर्दे से दूर हैं। प्रेग्नेंसी के बाद उनके वजन बढ़ने को लेकर भी काफी चर्चा हुई है। इसी बीच उन्होंने बच्चे के जन्म के बाद हुई ट्रोलिंग का अनुभव साझा किया। बिपाशा और करण की शादी 2016 में हुई थी। इंस्टाग्राम पोस्ट में बताया था बेटी का नाम बिपाशा ने इंस्टाग्राम पर एक पोस्ट शेयर कर बेटी के जन्म की जानकारी दी थी। इसी पोस्ट में उन्होंने बेटी का नाम भी बताया था। पोस्ट में लिखा था, “12.11.2022. देवी बसु सिंह ग्रोवर। हमारे प्यार और मां के आशीर्वाद का साकार रूप अब हमारे साथ है और वह दिव्य है।” बिपाशा की पोस्ट। इंटरव्यू में बेटी पर बात करते हुए बिपाशा ने कहा, “मैं अपनी जिंदगी के कुछ हिस्से शेयर करती हूं, क्योंकि मुझे ऐसा करना अच्छा लगता है और मुझे अपनी जिंदगी पर गर्व है, लेकिन मैं नहीं चाहती कि इतनी कम उम्र में मेरी बेटी को किसी तरह के जजमेंट का सामना करना पड़े। मुझे लगता है कि यह हर किसी की अपनी पसंद है। आप जितना प्राइवेट रहना चाहें, रह सकते हैं और जितना पब्लिक रहना चाहें, रह सकते हैं।” एक्ट्रेस ने आगे कहा कि जब देवी अचानक मुझे खूबसूरत कहती है, तो यह बात सीधे दिल को छू जाती है। मुझे लगता है कि अब मुझे किसी और से कॉम्प्लिमेंट की जरूरत नहीं है, क्योंकि मेरी बेटी मुझे खूबसूरत मानती है।” ……………. यह खबर भी पढ़ें… मृणाल ठाकुर ने बिपाशा पर किए कमेंट्स पर माफी मांगी:पुराने वीडियो पर सफाई देते हुए कहा- बॉडी शेमिंग करने का इरादा नहीं था पिछले साल मृणाल ठाकुर ने पुराने वायरल वीडियो में बिपाशा बसु पर किए कमेंट्स को लेकर माफी मांगी थी। उन्होंने इंस्टाग्राम स्टोरी पर लिखा था कि 19 साल की उम्र में उन्होंने कई बेवकूफी भरी बातें की थीं। उन्हें तब अपने शब्दों के असर का अंदाजा नहीं था। मृणाल ने कहा था कि उनका किसी की बॉडी शेमिंग करने का इरादा नहीं था। वह इंटरव्यू में मजाक कर रही थीं, जो ज्यादा हो गया था। उन्होंने माना था कि उन्हें अपने शब्द अलग तरह से चुनने चाहिए थे। मृणाल ने यह भी कहा था कि समय के साथ उन्होंने समझा कि खूबसूरती हर रूप में होती है। वीडियो वायरल होने के बाद उनकी आलोचना हुई थी। पूरी खबर यहां पढ़ें… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔

Pakistan Punjab Hindu Temple Demolition Controversy

Pakistan Punjab Hindu Temple Demolition Controversy

7 मिनट पहले कॉपी लिंक पाकिस्तान ने पंजाब प्रांत में करीब 100 साल पुराने हिंदू मंदिर गिराए जाने की खबरों को गलत बताया है। उसका कहना है कि 21 जुलाई को भारी बारिश के कारण मंदिर क्षतिग्रस्त होकर गिर गया था। वहीं, स्थानीय लोगों और हिंदू समुदाय के प्रतिनिधियों का आरोप है कि मंदिर को जानबूझकर गिराया गया और उसकी जमीन पास के मदरसे के लिए इस्तेमाल करने की कोशिश की गई। दूसरी ओर, रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि मंदिर की इमारत को 21 अगस्त को गिराया गया। दोनों तारीखों के बीच करीब एक महीने का अंतर है। इसी वजह से मंदिर गिराए जाने की घटना को लेकर सवाल उठ रहे हैं। TLP पर मंदिर गिराने के आरोप पाकिस्तान मसिहा मिल्लत पार्टी (PMMP), स्थानीय लोगों और हिंदू समुदाय ने आरोप लगाया था कि मंदिर को स्थानीय मुस्लिम समुदाय के कुछ लोगों ने गिराया। इन लोगों ने इस मामले में तहरीक-ए-लब्बैक पाकिस्तान (TLP) से जुड़े लोगों की भूमिका होने का भी आरोप लगाया है। TLP पाकिस्तान का एक कट्टरपंथी इस्लामी संगठन है, जिस पर वहां प्रतिबंध लगा हुआ है। खबर अपडेट हो रही है… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔

Mukesh Khanna vs Sharmila Tagore

Mukesh Khanna vs Sharmila Tagore

12 मिनट पहले कॉपी लिंक मुकेश खन्ना और शर्मिला टैगोर ने किसी भी फिल्म में एक साथ काम नहीं किया है। सीनियर एक्टर मुकेश खन्ना ने वंदे मातरम् को लेकर चल रही बहस पर अपनी राय रखी। उनकी यह टिप्पणी सीनियर एक्ट्रेस शर्मिला टैगोर के उस बयान के जवाब में आई है, जिसमें उन्होंने वंदे मातरम् के पूरे गीत को गाने के बजाय केवल शुरुआती अंतरों को गाने की बात कही थी। ‘द फ्री प्रेस जर्नल’ से बातचीत के दौरान मुकेश खन्ना से शर्मिला टैगोर के कथित सुझाव को लेकर कहा, “वह अपनी समझ के हिसाब से बोल रही हैं। मुझे नहीं पता कि उन्होंने ऐसा क्यों कहा। शायद अपनी बात समझाते हुए उनके मुंह से यह निकल गया कि दूसरे धर्मों के लोग इसे समझ या स्वीकार नहीं कर पाएंगे।” अभिनेता मुकेश खन्ना ने हाल ही में मांग की है कि ‘जन गण मन’ को हटाकर ‘वंदे मातरम’ को भारत का राष्ट्रगान बनाया जाना चाहिए। मुकेश खन्ना ने कहा, “आप बंगाल में पली-बढ़ी हैं, जहां काली पूजा इतने बड़े स्तर पर मनाई जाती है। आप बंगाली संस्कृति और बंगाली फिल्मों के बीच बड़ी हुई हैं। फिर आज आपको समझ में आ रहा है कि एक धर्म वाला इसको एक्सेप्ट नहीं करे। उस वक्त नहीं आया था। हम क्या शादी करने के बाद आपको मालूम पड़ा?” उन्होंने सवाल उठाया, जब आप नवाब की बेगम बन गईं। तब आपको मालूम पड़ा कि अरे मुस्लिम धर्म भी है। अरे ये लोग तो मानते नहीं हैं। अल्लाह को मानते हैं। ये लोग तो हमारे देवी को भी नहीं मानते। बोलेंगे हम लोग बहुत सारे भगवान में बिलीव नहीं करते। उन्होंने आगे कहा, शादी के लिए आयशा बेगम बन गईं, लेकिन आज आप बात कर रही हैं आयशा बेगम बनकर। आज आपको मुस्लिम धर्म समझ में आ रहा है। हिंदू धर्म क्या भूल गई आप? शर्मिला टैगोर ने 27 दिसंबर 1968 को मंसूर अली खान पटौदी से शादी की थी। उन्होंने इस्लाम धर्म अपनाने के बाद अपना नाम बदलकर बेगम आयशा सुल्ताना रखा था। वंदे मातरम् पर पुराने विरोध का भी किया जिक्र मुकेश खन्ना ने वंदे मातरम् को लेकर ऐतिहासिक तौर पर उठाई गई आपत्तियों पर भी बात की। उन्होंने दावा किया कि मुस्लिम समुदाय के कुछ वर्गों की आपत्ति केवल गीत के बाद के हिस्सों में हिंदू देवी-देवताओं के संदर्भों को लेकर नहीं थी। उन्होंने कहा कि एक आपत्ति यह भी थी कि मुस्लिम केवल खुदा के सामने झुकते हैं। मुकेश ने दावा किया, “इस पर आपत्ति आज से शुरू नहीं हुई है। तर्क यह दिया जाता रहा है कि वे केवल खुदा के सामने झुकते हैं और इसलिए किसी और के सामने नहीं झुकेंगे।” अभिनेता ने वंदे मातरम् के अलग-अलग गायन संस्करणों का भी जिक्र किया। उन्होंने लता मंगेशकर, हेमंत कुमार और एआर रहमान से जुड़े संस्करणों का उदाहरण दिया। एआर रहमान के ‘मां तुझे सलाम’ का दिया उदाहरण मुकेश खन्ना ने मातृभूमि के प्रति सम्मान की अभिव्यक्ति को समझाने के लिए एआर रहमान के गीत ‘मां तुझे सलाम’ का उदाहरण दिया। उन्होंने कहा, “वह कहते हैं ‘मां तुझे सलाम’। वह उसे मां कह रहे हैं और उन्हें सलाम कर रहे हैं।” अभिनेता ने कहा कि राष्ट्रीय प्रतीकों का सम्मान करने का मतलब किसी को जबरन झुकने के लिए मजबूर करना नहीं होना चाहिए। हालांकि, उन्होंने वंदे मातरम् गाने पर आपत्ति को लेकर सवाल उठाया। उन्होंने कहा, “हम भारत माता के सामने झुकते हैं। अगर कोई झुकना नहीं चाहता तो ठीक है, हम उसे झुकने के लिए मजबूर नहीं कर रहे। लेकिन फिर यह कहना कि वंदे मातरम् ही नहीं गाया जाना चाहिए, यह बात मेरी समझ में नहीं आती।” मुकेश खन्ना आखिरी बार 2025 में रिलीज हुई गुजराती फिल्म ‘विश्वरगुरु’ में नजर आए थे। फिल्म में उन्होंने कश्यप का किरदार निभाया था। शर्मिला टैगोर ने क्या कहा था शर्मिला टैगोर ने न्यूज एजेंसी IANS के साथ बातचीत में कहा, ‘बहुत से धार्मिक लोग एक ही ईश्वर में विश्वास करते हैं, कई ईश्वरों में नहीं। वंदे मातरम् में एक अंतरा है, जिसमें कई देवताओं का जिक्र है। जो लोग एक धर्म, एक ईश्वर में विश्वास करते हैं, उनके लिए ‘वंदे काली, वंदे दुर्गा’ कहना मुश्किल है। अगर हम भारत के सभी धार्मिक लोगों को साथ लेकर चलें तो वंदे मातरम् के पहले दो अंतरे बहुत अच्छे हैं।’ हालांकि, शर्मिला टैगोर ने अब तक कंगना के कमेंट पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है। शर्मिला टैगोर की वंदे मातरम् पर टिप्पणी के बाद कंगना रनोट ने कहा था कि हिंदू-मुस्लिम सोच से बाहर आइए। कंगना ने शर्मिला टैगोर के इंटरव्यू का वीडियो अपनी इंस्टाग्राम स्टोरीज पर शेयर किया था। उन्होंने लिखा, ‘मैं खुश हूं कि शर्मिला जी ने वंदे मातरम् को लेकर अपनी आपत्ति के बारे में बात की। किसी भी कविता या गीत में शब्द रूपक होते हैं। कवि या कलाकार मनचाहा असर पैदा करने के लिए हर तरह की कल्पना करता है और असंभव लगने वाली समानताएं खींचता है। कंगना की पोस्ट। विवेकानंद ने कहा था कि मुझे ऐसे युवा चाहिए, जो लोहे जैसे बने हों, जिनकी हड्डियां फौलाद की हों और जिनकी नसों में बिजली दौड़ती हो। विवेकानंद मौसम का अनुमान नहीं बता रहे थे। वह केवल शक्ति को जगाने की मांग कर रहे थे। कृपया हिंदू-मुस्लिम सोच से बाहर आइए। भले ही हम एक ईश्वर में विश्वास करते हों, डॉक्टर भी ताकत को शक्ति कहते हैं। आइए, एक-दूसरे को अपनों की तरह अपनाएं। मैं आपसे बहुत प्यार करती हूं और उस जोरदार तरीके से गले मिलने से भी मुझे परेशानी नहीं है, जैसे आप हमेशा मिलती हैं।’ ………….. यह खबर भी पढ़ें… शर्मिला टैगोर ने शादी के बाद इस्लाम अपनाया था:बेटी सबा बोलीं- हमारे घर में मंदिर नहीं था; मां ने हमें इस्लाम के बारे में बताया एक्ट्रेस शर्मिला टैगोर और पूर्व भारतीय क्रिकेट कप्तान मंसूर अली खान पटौदी की बेटी सबा अली पटौदी ने हाल ही में अपने माता-पिता की अंतरधार्मिक शादी और धार्मिक परवरिश पर बात की है। उन्होंने बताया कि शादी के बाद उनकी मां ने इस्लाम अपनाया था और बच्चों को भी इसके बारे में सिखाया। सबा ने यह बात यूट्यूब चैनल ‘बिग बॉलीवुड बफ्स’ से बातचीत में कही। उन्होंने बताया कि उनके माता-पिता

ईरान ने US को चिढ़ाया- ‘हबीबी अंकल सैम, ईरान आओ’:दूतावास ने होर्मुज में माइनस्वीपर गेम का वीडियो पोस्ट किया

ईरान ने US को चिढ़ाया- ‘हबीबी अंकल सैम, ईरान आओ’:दूतावास ने होर्मुज में माइनस्वीपर गेम का वीडियो पोस्ट किया

ईरान ने अमेरिका को चिढ़ाते हुए एक वीडियो शेयर किया है। सिएरा लियोन में ईरानी दूतावास ने 35 सेकेंड का वीडियो पोस्ट किया। इसके साथ लिखा- “हबीबी (अंकल सैम), ईरान आओ!” वीडियो में होर्मुज स्ट्रेट का 3D नक्शा दिखता है। इस पर ‘माइन्सवीपर’ गेम खेला जा रहा है। इस गेम में खिलाड़ी को छिपी हुई समुद्री माइन्स (बारुदी सुरंगो) से बचना होता है। ईरान ने यह वीडियो ऐसे समय पोस्ट किया है, जब होर्मुज स्ट्रेट में समुद्री माइन्स बिछाने को लेकर अमेरिका और ईरान के बीच तनाव बढ़ा हुआ है। अमेरिका ने ईरान के रॉकेट लॉन्चर को निशाना बनाया अमेरिका ने रविवार को होर्मुज के एक द्वीप पर ईरान के रॉकेट लॉन्चरों पर हमला किया था। अमेरिका का कहना था कि ईरान इनका इस्तेमाल समुद्र में माइन्स खदानें डालने के लिए कर सकता है। अमेरिका ने पिछले हफ्ते ही होर्मुज के अंतरराष्ट्रीय जहाज मार्गों से मुद्री माइन्स हटाई थीं। इसके बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने चेतावनी दी थी कि अगर ईरान ने दोबारा समुद्री माइन्स बिछाईं तो उन्हें बिछाने वाले जहाज और बोट को नष्ट कर दिया जाएगा। ईरान ने अमेरिकी ठिकानों पर मिसाइलें दागीं अमेरिकी हमले के जवाब में ईरान ने जॉर्डन में दो अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं। ईरान ने भारी नुकसान का दावा किया। वहीं, जॉर्डन की सेना ने कहा कि उसने 8 मिसाइलों को रोक दिया। इसके बाद अमेरिका ने ईरान के सैन्य ठिकानों पर फिर हमला किया। अमेरिकी सेंट्रल कमांड के मुताबिक, इन हमलों में ईरान के एयर डिफेंस, रडार, समुद्री ठिकानों, खदानें बिछाने की क्षमता और संचार केंद्रों को निशाना बनाया गया। खबर अपडेट हो रही…

Iran Embassy Hormuz Strait Minesweeper Video

ईरान ने US को चिढ़ाया- ‘हबीबी अंकल सैम, ईरान आओ’:दूतावास ने होर्मुज में माइनस्वीपर गेम का वीडियो पोस्ट किया

4 मिनट पहले कॉपी लिंक ईरान ने अमेरिका को चिढ़ाते हुए एक वीडियो शेयर किया है। सिएरा लियोन में ईरानी दूतावास ने 35 सेकेंड का वीडियो पोस्ट किया। इसके साथ लिखा- “हबीबी (अंकल सैम), ईरान आओ!” वीडियो में होर्मुज स्ट्रेट का 3D नक्शा दिखता है। इस पर ‘माइन्सवीपर’ गेम खेला जा रहा है। इस गेम में खिलाड़ी को छिपी हुई समुद्री माइन्स (बारुदी सुरंगो) से बचना होता है। ईरान ने यह वीडियो ऐसे समय पोस्ट किया है, जब होर्मुज स्ट्रेट में समुद्री माइन्स बिछाने को लेकर अमेरिका और ईरान के बीच तनाव बढ़ा हुआ है। अमेरिका ने ईरान के रॉकेट लॉन्चर को निशाना बनाया अमेरिका ने रविवार को होर्मुज के एक द्वीप पर ईरान के रॉकेट लॉन्चरों पर हमला किया था। अमेरिका का कहना था कि ईरान इनका इस्तेमाल समुद्र में माइन्स डालने के लिए कर सकता है। अमेरिका ने पिछले हफ्ते ही होर्मुज के अंतरराष्ट्रीय जहाज मार्गों से मुद्री माइन्स हटाई थीं। इसके बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने चेतावनी दी थी कि अगर ईरान ने दोबारा समुद्री माइन्स बिछाईं तो उन्हें बिछाने वाले जहाज और बोट को नष्ट कर दिया जाएगा। शादी समारोह पर अमेरिकी हमले में 5 की मौत मंगलवार रात ईरान के सिरिक में अमेरिकी हवाई हमले के दौरान एक शादी समारोह पर मिसाइल गिरने से 5 लोग मारे गए। मृतकों में 4 साल का एक बच्चा भी शामिल है। अमेरिकी सेना ने सिरिक, खुजस्तान, केशम द्वीप और बंदर अब्बास में मिसाइल और ड्रोन से हमले किए थे। इन हमलों में ईरान में कुल 19 लोगों की मौत और 68 लोग घायल हुए हैं। अमेरिका का कहना है कि उसकी सेना ने केवल ईरानी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया। अमेरिकी सेना ने नागरिकों को जानबूझकर निशाना बनाने से इनकार किया है। ईरान ने अमेरिकी ठिकानों पर मिसाइलें दागीं अमेरिकी हमले के जवाब में ईरान ने जॉर्डन में दो अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं। ईरान ने भारी नुकसान का दावा किया। वहीं, जॉर्डन की सेना ने कहा कि उसने 8 मिसाइलों को रोक दिया। इसके बाद अमेरिका ने ईरान के सैन्य ठिकानों पर फिर हमला किया। अमेरिकी सेंट्रल कमांड के मुताबिक, इन हमलों में ईरान के एयर डिफेंस, रडार, समुद्री ठिकानों, खदानें बिछाने की क्षमता और संचार केंद्रों को निशाना बनाया गया। खबर अपडेट हो रही… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔

Estonia Defense Minister Hanno Pevkur Resigns Over Ukraine Arms Controversy

Estonia Defense Minister Hanno Pevkur Resigns Over Ukraine Arms Controversy

टालिन34 मिनट पहले कॉपी लिंक हानो पेवकुर 2022 से एस्टोनिया के रक्षा मंत्री थे। उन्होंने समझौते की जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा दे दिया। एस्टोनिया के रक्षा मंत्री हानो पेवकुर ने इस्तीफा दे दिया है। उनके इस्तीफे की वजह यूक्रेन के लिए की गई करीब 768 करोड़ रुपए की एक डील है। सौदे के तहत भारतीय कंपनी से जुड़ी इटली की एक फर्म को गोला-बारूद सप्लाई का कॉन्ट्रैक्ट दिया गया था। आरोप है कि कंपनी के पास तोप के गोले बनाने या बेचने का अनुभव नहीं था। इसके बावजूद उसे बड़ा कॉन्ट्रैक्ट दिया गया और भारी रकम एडवांस में दी गई। कंपनी के साथ किए गए थे 4 समझौते 2024 में एस्टोनिया के सेंटर फॉर डिफेंस इन्वेस्टमेंट ने तोप के गोलों की खरीद के लिए डेटासेल एसआरएल के साथ चार समझौते किए। यह कंपनी इटली में रजिस्टर्ड है। नवंबर 2024 तक यूक्रेन पहुंचने थे गोले गोला-बारूद का पहला बैच नवंबर 2024 में यूक्रेन पहुंचना था, लेकिन डेटासेल ने देरी की। बाद में जो सामान पहुंचा, उसे लेकर भी सवाल उठाए गए। अधिकारियों के मुताबिक, कुछ खेप अधूरी थी और उसमें गोले चलाने के लिए जरूरी हिस्से मौजूद नहीं थे। इनमें फ्यूज, प्रोपेलेंट चार्ज और प्राइमर जैसे हिस्से शामिल बताए गए हैं। इसलिए एस्टोनिया ने कुछ सामान को स्वीकार नहीं किया। कंपनी ने आरोपों को खारिज किया डेटासेल ने एस्टोनिया के आरोपों को स्वीकार नहीं किया है। कंपनी का कहना है कि उसने बड़ी मात्रा में सामान तैयार किया और उसकी सप्लाई के लिए बिल भी दिए। कंपनी ने यह भी कहा कि डिलीवरी में देरी के पीछे अलग-अलग देशों से मंजूरी और जरूरी दस्तावेज मिलने में हुई देरी जैसी वजहें थीं। एस्टोनिया के 768 करोड़ रुपए अटके एस्टोनिया ने इस सौदे में करीब 768 करोड़ रुपए दिए थे। अब वह इस रकम को वापस पाने की कोशिश कर रहा है। अनुबंध को लेकर मामला मध्यस्थता तक पहुंच गया है। अगर पैसा वापस नहीं मिला तो एस्टोनिया पर इस रकम का वित्तीय बोझ पड़ सकता है। यूरोपीय आयोग भी एस्टोनिया के साथ इस मामले पर बातचीत कर रहा है। EU के फंड से आया था पैसा इस सौदे में इस्तेमाल हुआ पैसा यूरोपीय संघ की यूरोपियन पीस फैसिलिटी (EPF) से आया था। यह फंड यूक्रेन को सैन्य सहायता देने के लिए इस्तेमाल किया जा रहा है। अब सवाल यह है कि अगर एस्टोनिया कंपनी से पैसा वापस नहीं ले पाया तो इस फंड का क्या होगा। यूरोपीय आयोग इस मामले में एस्टोनियाई अधिकारियों के संपर्क में है। जांच में खरीद प्रक्रिया पर भी सवाल एस्टोनिया के राष्ट्रीय लेखा कार्यालय ने इस सौदे को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। जांच का एक बड़ा मुद्दा यह है कि इतने बड़े रक्षा सौदे में ऐसी कंपनी को कैसे चुना गया, जिसके पास तोप के गोले की सप्लाई का पहले का अनुभव नहीं था। यानी विवाद सिर्फ इस बात पर नहीं है कि गोले समय पर पहुंचे या नहीं। सवाल यह भी है कि कंपनी का चयन कैसे हुआ और इतनी बड़ी रकम एडवांस में क्यों दी गई। ————————- यह खबर भी पढ़ें… जयशंकर बोले- तेल खरीद पर रोक से जंग नहीं थमेगी: बातचीत से ही खत्म होगी, भारत यूक्रेन युद्ध खत्म कराने के लिए मध्यस्थता को तैयार केंद्रीय विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने कहा कि रूस-यूक्रेन जंग का समाधान इस बात से नहीं निकलेगा कि कोई देश रूसी तेल खरीदता है या नहीं। पूरी खबर पढ़ें… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔

Darshan Jariwala Statement On Wife Apra Mehta Controversy

Darshan Jariwala Statement On Wife Apra Mehta Controversy

10 मिनट पहले कॉपी लिंक अपरा मेहता और दर्शन जरीवाला की शादी 1980 में हुई थी। दोनों 2003 से अलग रह रहे हैं, लेकिन उनका कानूनी तलाक कभी नहीं हुआ। सीनियर एक्टर दर्शन जरीवाला ने अलग रह रहीं पत्नी और एक्ट्रेस अपरा मेहता के उन्हें बदसूरत कहने के आरोपों पर सफाई दी। दरअसल, कुछ समय पहले अपरा मेहता ने दर्शन जरीवाला से सेपरेशन पर बात की थी। हॉटरफ्लाई को दिए इंटरव्यू में उन्होंने कहा था कि दर्शन घर छोड़कर चले गए थे और उन्हें अब तक की सबसे बदसूरत महिला कहा था। अपरा ने यह भी कहा था कि दर्शन ने उनसे कहा था कि उनका प्यार खत्म हो गया है। अब दर्शन ने अपनी अलग रह रहीं पत्नी के इन आरोपों पर जवाब दिया है। पूरी खबर यहां पढ़ें… सिद्धार्थ कनन से बातचीत में दर्शन ने अपरा की बताई घटनाओं को गलत बताया। दर्शन ने कहा, “एक न्यूरोलॉजिकल घटना होती है, जिसमें समय के साथ किसी घटना की याद बदलती रहती है। मैं बहुत उदारता से कह सकता हूं कि यह गलत याददाश्त का मामला है। जिस तरह से इसे बताया गया है, वैसा कुछ हुआ ही नहीं था।” दर्शन ने रूप-रंग पर टिप्पणी से इनकार किया अभिनेता ने इस बात से भी इनकार किया कि उन्होंने अपरा के रूप-रंग पर कोई टिप्पणी की थी। उन्होंने कहा कि इस तरह की बातें उनके स्वभाव से मेल नहीं खातीं। दर्शन ने कहा, “मैं ऐसा आदमी नहीं हूं, जो किसी साधारण दिखने वाली महिला से भी कहे कि वह बदसूरत है। ऐसा कहना बिल्कुल गैरजरूरी होता। अगर मैं खुद को अच्छी तरह जानता हूं, तो मैं व्यक्ति के अंदर की बात करता, उसके बाहरी रूप की नहीं।” दर्शन ने कहा कि अपरा विक्टिम कार्ड खेलने के लिए पूरी तरह स्वतंत्र हैं। हालांकि, उन्होंने कहा कि वह अपने अतीत से आगे बढ़ चुके हैं और आज अपनी जिंदगी में बहुत खुश हैं। दर्शन जरीवाला 2010 से इंटीरियर डिजाइनर और आर्किटेक्ट अनाहिता इटालिया के साथ रिश्ते में हैं। दर्शन बोले-इतने साल बाद अब ये बातें क्यों? दर्शन ने सवाल उठाया कि सेपरेशन के कई दशक बाद ये आरोप अब क्यों सामने आए। उन्होंने कहा, “मैं समझ ही नहीं सकता कि अलग होने के 23 साल बाद वह इन बातों पर क्यों बोलना चाहती हैं। इससे पहले कभी नहीं। अगर यही इतिहास है और उन्हें इसे मीडिया तक ले जाने का मौका मिला था, तो अब क्यों?” उन्होंने आगे कहा, “हम उनके दिमाग में बैठकर उनकी नीयत का फैसला नहीं कर सकते। मैं अपना सच जानता हूं। मेरा सच मेरा सच है। झूठ की कोई सीमा नहीं होती। मैं उनकी मंशा का अंदाजा भी नहीं लगा सकता।” दर्शन ने कहा, “जो लोग मुझे सच में जानते हैं, वे पूरी कहानी अच्छी तरह जानते हैं, क्योंकि मेरी बात कभी नहीं बदलती। सच के कई वर्जन नहीं होते।” दर्शन के मुताबिक, 1982 में शादी के बाद धीरे-धीरे दोनों की प्राथमिकताएं और सोच अलग होती गईं। उन्होंने कहा कि निजी हालात, करियर और आर्थिक स्थिति में बदलाव ने भी रिश्ते में दरार की वजह बनाई। एक्टर ने कहा, “दो लोग समय के साथ अलग तरह से बढ़ते हैं। अगर आप दो पौधे साथ लगाते हैं, तो वे अलग-अलग तरह से बढ़ेंगे। उनकी प्राथमिकताएं अलग थीं और मेरी अलग।” उन्होंने कहा, “मेरे हालात बदल गए थे, क्योंकि मैं एक फेल बिजनेस प्लान में शामिल था। हम अपने करियर को किस तरह आगे ले जाना चाहते थे, इस पर भी हमारी सोच अलग थी।” दर्शन ने कहा कि दोनों अपनी बेटी को अच्छा बचपन देने को लेकर साफ थे। उन्होंने कहा, “रिश्ता कभी-कभी बदलावों से गुजरता है।” तलाक के लिए कागज दिए, जज ने आवेदन खारिज किया दर्शन ने यह भी बताया कि उनकी शादी कानूनी रूप से खत्म क्यों नहीं हुई। उनके मुताबिक, उन्होंने तलाक की अर्जी दी थी, लेकिन प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ सकी। उन्होंने कहा, “मैंने तलाक के कागज दिए थे, लेकिन जज ने आवेदन खारिज कर दिया। उन्होंने अपनी सहमति नहीं दी।” दर्शन ने दावा किया, “वह तलाक के लिए राजी हो गई थीं, लेकिन जज के सामने आखिरी समय पर उन्होंने अपना फैसला बदल दिया। शायद वह खुद को एक अच्छी और पीड़ित महिला के रूप में पेश कर रही हैं।” दर्शन ने सांताक्रूज वेस्ट स्थित घर छोड़ने की बात भी बताई। उन्होंने कहा कि वह घर से चले गए और अपरा व अपनी बेटी को वहीं रहने दिया। उन्होंने कहा, “मैं बस अपना घर छोड़कर चला गया था। मेरे पास उन्हें देने के लिए जितना था, मैंने दे दिया। अगर किसी को गुजारा भत्ता मांगना चाहिए था, तो वह मैं होता, क्योंकि उस समय मेरे हालात ऐसे थे, लेकिन ऐसा कुछ नहीं हुआ।” दर्शन ने कहा कि उनके पास दूसरा घर नहीं था और घर छोड़ने के तुरंत बाद किराए का मकान लेने के लिए पर्याप्त पैसे भी नहीं थे। इसलिए वह कुछ समय तक दोस्तों के साथ रहे और बाद में एक छोटा-सा घर किराए पर ले सके। उन्होंने कहा, “हालात ऐसे थे कि मुझे यह सब दर्द झेलना पड़ा।” बेटी के साथ अपने रिश्ते को दर्शन ने करीबी बताया इंटरव्यू में दर्शन ने अपनी बेटी के साथ रिश्ते पर भी बात की। उन्होंने कहा कि दोनों लगातार संपर्क में रहते हैं और उनके बीच करीबी रिश्ता है। दर्शन ने कहा, “मैं एक अच्छा पिता हूं। मैं उसके संपर्क में रहता हूं। उसकी जिंदगी में होने वाली सभी बातों की मुझे अच्छी जानकारी रहती है। मेरे साथ उसका बातचीत का रास्ता खुला हुआ है। उसके पास मेरा दिया हुआ डेबिट कार्ड भी है।” अपरा मेहता और दर्शन जरीवाला की बेटी का नाम खुशाली जरीवाला है। वह एक थिएटर कलाकार, अभिनेत्री और लेखिका हैं। दर्शन ने अपरा के इस दावे को भी खारिज किया कि उन्होंने अपनी बेटी की परवरिश अकेले की। उन्होंने कहा कि लोग कई बार अपने भावनात्मक अनुभवों के आधार पर अतीत को अलग तरह से देखते हैं। उन्होंने कहा, “कभी-कभी हम अपनी जिंदगी के खालीपन को भरने की कोशिश करते हैं। जहां कुछ नहीं होता, वहां जानबूझकर या अनजाने में अजीब चीजें रख देते हैं।” दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔

स्वरा भास्कर बोलीं- रानी पद्मावती को कायर नहीं कहा:पद्मावत के जौहर सीन विवाद पर दी सफाई; सांसद प्रियंका चतुर्वेदी से भी हुई बहस

स्वरा भास्कर बोलीं- रानी पद्मावती को कायर नहीं कहा:पद्मावत के जौहर सीन विवाद पर दी सफाई; सांसद प्रियंका चतुर्वेदी से भी हुई बहस

एक्ट्रेस स्वरा भास्कर 2018 की फिल्म ‘पद्मावत’ के जौहर सीन पर दिए गए बयान के बाद विवादों में आ गई हैं। दिल्ली में एक इवेंट के दौरान उन्होंने संजय लीला भंसाली की फिल्म के जौहर सीन पर सवाल उठाए थे। बयान के बाद सोशल मीडिया पर दावा किया गया कि स्वरा ने रानी पद्मावती और जौहर करने वाली महिलाओं को कायर कहा है। भारी ट्रोलिंग के बाद मंगलवार को स्वरा ने इंस्टाग्राम पर वीडियो जारी कर सफाई दी। स्वरा ने कहा कि उन्होंने रानी पद्मावती को कायर नहीं कहा, बल्कि उनके बयान को गलत तरीके से पेश किया गया है। दिल्ली के इवेंट में दिए बयान पर शुरू हुआ विवाद यह पूरा विवाद 31 अगस्त को दिल्ली के इंडिया इंटरनेशनल सेंटर में आयोजित ‘वुमन, लाइफ, फ्रीडम’ टॉक के दौरान शुरू हुआ था। इवेंट में स्वरा ने फिल्म के क्लाइमेक्स का जिक्र करते हुए कहा था कि एक सीन में गर्भवती महिला का पेट दिखाया गया है जो जौहर करने जा रही है। स्वरा ने कहा था, “यह देखकर मुझे बहुत गुस्सा आया था और मैंने थियेटर में ही ‘छी’ कह दिया था। 5 दिन विचार करने के बाद मैंने डायरेक्टर संजय लीला भंसाली को ओपन लेटर लिखा था।” उन्होंने आगे कहा ‘क्या आप हमारे जैसे समाज में यही बताना चाहते हैं, जहां मुझे लगता है कि रेप की महामारी फैली हुई है?’ उनके इस बयान के बाद सोशल मीडिया पर लोगों ने उन पर ऐतिहासिक बलिदान का अपमान करने का आरोप लगाया था। इंस्टाग्राम वीडियो शेयर कर दी सफाई मंगलवार को स्वरा भास्कर ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर एक वीडियो शेयर किया। उन्होंने कहा, “सोशल मीडिया पर मेरा एक क्लिप वायरल हो रहा है। मुझसे पूछा गया था कि पद्मावत देखने के बाद मैंने ओपन लेटर क्यों लिखा था। मैं साफ करना चाहती हूं कि मैंने रानी पद्मावती या महल की बाकी महिलाओं को कायर नहीं कहा। अगर गाली देनी है तो सही बात पर दीजिए। मैंने कहा था कि अगर मैं रेप पीड़िता होती, तो क्लाइमेक्स देखकर मुझे लगता कि रेप के बाद जिंदा बचकर मैंने कायरता दिखाई है।” ‘क्या महिला की पवित्रता उसकी जान से ज्यादा कीमती है?’ स्वरा ने कहा कि देश में आज भी रेप एक महामारी जैसा बन चुका है। हाल ही में दिल्ली में चलती बस में हुए गैंगरेप का जिक्र करते हुए उन्होंने सवाल उठाया कि क्या हमें ऐसी फिल्में बनानी चाहिए जो संदेश दें कि महिला की पवित्रता उसकी जिंदगी से ज्यादा कीमती है? उन्होंने निर्भया केस का उदाहरण देते हुए कहा कि निर्भया ने आखिरी सांस तक अपनी जिंदगी के लिए लड़ाई लड़ी थी। किसी भी महिला की जीने की इच्छा को कम नहीं आंकना चाहिए। प्रियंका चतुर्वेदी से सोशल मीडिया पर हुई बहस स्वरा के बयान पर शिवसेना (यूबीटी) सांसद प्रियंका चतुर्वेदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर अपनी प्रतिक्रिया दी। प्रियंका ने लिखा कि जब चुनाव मौत और हराम में गुलाम बनने के बीच हो, तो महिलाओं ने मौत को चुना, जो उनका एक फैसला था। इस पर जवाब देते हुए स्वरा ने लिखा, “प्रियंका जी, आप असल बात नहीं समझ रही हैं। बात जौहर करने वाली महिलाओं की पसंद की नहीं, बल्कि इस बात की है कि हम किस चीज को महिमामंडित कर रहे हैं। क्या रेप के बाद किसी सर्वाइवर को जीने का हक नहीं है?” क्या है पद्मावत का जौहर सीन फिल्म में जौहर का सीन क्लाइमैक्स के पास आता है। अलाउद्दीन खिलजी की सेना राजपूतों को हरा देती है और चित्तौड़ के किले में घुस जाती है। दीपिका पादुकोण का किरदार ‘रानी पद्मावती’ किले की महिलाओं के साथ जौहर करती हैं। फिल्म में इसे पकड़े जाने से बचने के लिए खुद को आग के हवाले करने की घटना के तौर पर दिखाया गया है।