6-Year-Old Aditya Kumar Viral Video Controversy

Hindi News Career BPSC Protest Patna: 6 Year Old Aditya Kumar Viral Video Controversy 4 मिनट पहले कॉपी लिंक पटना में BPSC TRE-4 उम्मीदवारों के प्रदर्शन के दौरान 6 साल के बच्चे का वीडियो पहले ही दिन से खूब वायरल हुआ। इस बच्चे का नाम आदित्य कुमार है। वह पहली कक्षा का छात्र है। आदित्य का आरोप है कि 25 अगस्त को प्रदर्शन के दौरान उसे और उसके माता-पिता को जब पुलिस ले गई तो थाने में पुलिस ने उनकी पिटाई की। आदित्य ने आरोप लगाया गया है कि BPSC आंदोलन के दौरान उसे करीब आठ घंटे तक अवैध तरीके से थाने में रखा गया। इस दौरान उसे अपने माता-पिता से मिलने नहीं दिया गया। दशरथ मांझी का उदाहरण देते हुए आदित्य ने कहा – जैसे मांझी ने पहाड़ का घमंड तोड़ा, वैसे ही मैं सरकार का घमंड तोड़ूंगा। आदित्य कुमार गर्दनीबाग धरना स्थल पर हाथों में अंग्रेजी में लिखित भारतीय संविधान की किताब लेकर बैठा है। उसका कहना है कि वह संविधान पढ़ रहा है। संविधान के अनुसार वह अपनी मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहा है। इस धरना स्थल पर आदित्य के पिता जितेंद्र कुमार और मां मुन्नी कुमारी भी मौजूद रहे। इसके अलावा शिवनंदन भारती जैसे कुछ वकीलों ने भी उसका सपोर्ट किया। उसकी मांग है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उससे मुलाकात करने का समय दें ताकि वह पटना पुलिस की शिकायत कर सके। हालांकि इस बात को लेकर वह बिहार के डीजीपी से पहले ही शिकायत कर चुका है। 31 अगस्त की देर रात को पप्पू यादव आदित्य से मिलने पहुंचें और आदित्य का धरना खत्म करवाया। उन्होंने कहा कि वह राहुल गांधी का संदेश लेकर आदित्य से मिलने पहुंचे है। उन्होंने दावा किया कि राहुल गांधी आदित्य से मिलने आएंगे। सांसद ने कहा कि आदित्य के परिवार के साथ गलत हुआ है। इस मामले में न्याय के लिए पटना हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट का रुख किया जाएगा। अपनी बेबाक बातों से चर्चा में आया आदित्य बिहार छात्र आंदोलन में आदित्य ने माइक के सामने छात्रों के समर्थन में बात की थी। उसने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से युवाओं के लिए नौकरी देने की मांग उठाई। आदित्य ने शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी के इस्तीफे की मांग भी की थी। आदित्य हाथ में तिरंगा लेकर बस की छत पर चढ़ गया और मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के इस्तीफे की मांग करते हुए पुलिस से सवाल किया – आप सुरक्षा करते हैं या मर्डर करते हैं? इसके बाद पुलिस उसे सुरक्षा के लिए थाने ले गई। पहले भी प्रदर्शन में पहुंच चुका है आदित्य आदित्य इससे पहले पेपर लीक और सिवान में AK-47 मामले को लेकर तेजस्वी यादव के लोकभवन मार्च में भी शामिल हुआ था। इसके अलावा गर्दनीबाग में भूख हड़ताल पर बैठे छात्रों के बीच भी वह पहुंचा था। वहां उसने कहा था कि वह भी छात्र है और भविष्य में उसके साथ भी ऐसी समस्या हो सकती है। ———————————————————————————————— ये खबर भी पढ़ें पोस्ट ऑफिस में 25,000 से ज्यादा पदों पर भर्ती:रेलवे में 1599 वैकेंसी; इस हफ्ते निकलीं 27 हजार से ज्यादा नौकरियां इस हफ्ते निकली हैं इंडिया पोस्ट ऑफिस और रेलवे सहित कई विभागों में 27,260 पदों पर नौकरियां। अगर आप भी इन पदों के लिए अप्लाई करना चाहते हैं, तो इन 5 नौकरियों की डिटेल्ड जानकारी 5 ग्राफिक्स के जरिए जानिए। पूरी खबर यहां पढ़ें दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔
Nepal Flood Disaster | Mass Burial of Victims & China Glacier Controversy

Hindi News National Nepal Flood Disaster | Mass Burial Of Victims & China Glacier Controversy काठमांडू5 मिनट पहले कॉपी लिंक नेपाल में भीषण बाढ़ के बाद अज्ञात शवों का सामूहिक दफन शुरू कर दिया गया है। चितवन के देवघाट जंगल में प्रशासन ने सैकड़ों कब्रें खोदी हैं। यहां उन शवों को दफनाया जा रहा है, जिनकी पहचान नहीं हो पाई है और जो ज्यादा समय बीतने के कारण खराब होने लगे हैं। पिछले दो दिनों में 196 शव दफनाए गए हैं। अधिकारियों के मुताबिक, कई शव इतनी खराब हालत में मिले हैं कि उनकी पहचान करना मुश्किल है। इसलिए हर शव के साथ पहचान नंबर और जरूरी रिकॉर्ड रखा जा रहा है, ताकि आगे DNA जांच के जरिए उनकी पहचान की जा सके। इस बीच 3 हजार से ज्यादा लोग अब भी लापता हैं और उनके परिवार अपनों की तलाश में जुटे हैं। 26 अगस्त को तिब्बत में ग्लेशियर टूटने से नेपाल की भोटेकोशी और त्रिशूली नदी में अचानक बाढ़ आ गई थी। इस आपदा में नेपाल में अब तक 788 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि तिब्बत में मरने वालों का आंकड़ा 16 पहुंच गया है। 3 हजार से ज्यादा लोग अब भी लापता हैं। वहीं, इस त्रासदी से पहले चीन से ग्लेशियरों के खतरे की जानकारी साझा करने को लेकर सवाल उठ रहे हैं। 27 मई को नेपाल और चीन के अधिकारियों की बैठक हुई थी। नेपाली अधिकारियों के मुताबिक, उन्होंने ग्लेशियरों में शुरुआती हलचल और जलस्तर की जानकारी पहले से देने की मांग की थी, लेकिन उन्हें चीन से उतनी जानकारी नहीं मिली, जितनी वे चाहते थे। लाइव अपडेट्स 7 मिनट पहले कॉपी लिंक नेपाल में भारतीय फोरेंसिक टीम तैनात, DNA जांच में करेगी मदद नेपाल में बाढ़ के बाद भारत ने फोरेंसिक और टनल रेस्क्यू टीमें भेजी हैं। भारतीय विदेश मंत्रालय के मुताबिक, 19 सदस्यीय फोरेंसिक टीम काठमांडू पहुंचकर काम शुरू कर चुकी है। यह टीम बाढ़ में मारे गए लोगों की पहचान के लिए DNA सैंपल की जांच में नेपाली अधिकारियों की मदद करेगी। वहीं, भारतीय टनल रेस्क्यू टीम ने चिलिमे और लांगटांग हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट्स में नेपाल सेना के सर्च और रेस्क्यू ऑपरेशन में मदद की। CNN की रिपोर्ट के मुताबिक, इन प्रोजेक्ट्स में करीब 898 कर्मचारी अब भी फंसे हुए हैं। दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
आसिम रियाज ने भव्या सिंह को भेजा लीगल नोटिस:भव्या ने कहा था- वो पागल इंसान, मारपीट करता है; धर्म परिवर्तन के आरोप लग चुके

बिग बॉस 13 फेम आसिम रियाज ने सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर भव्या सिंह को कानूनी नोटिस (सीज एंड डिजिस्ट) भेजा है। भव्या ने एक पॉडकास्ट के दौरान आसिम पर मारपीट करने और दुबई में किसी महिला के पैसों पर निर्भर रहने जैसे गंभीर आरोप लगाए थे। IANS के अनुसार आसिम के वकील ने इन दावों को पूरी तरह झूठा और छवि खराब करने वाला बताया है। नोटिस में भव्या और संबंधित मीडिया प्लेटफॉर्म्स को 72 घंटे के भीतर विवादित कंटेंट हटाने की हिदायत दी गई है। भव्या सिंह ने लगाए थे गंभीर आरोप एमटीवी स्प्लिट्सविला 12 फेम भव्या सिंह ने हाल ही में एक पॉडकास्ट में आसिम रियाज और उनकी एक्स-गर्लफ्रेंड हिमांशी खुराना के ब्रेकअप पर टिप्पणी की थी। भव्या ने दावा किया था कि उन्हें किसी ने बताया था कि आसिम पागल इंसान हैं और मारपीट करता था। इसके अलावा भव्या ने एक वीडियो होने का दावा भी किया था। पॉडकास्ट में यह भी कहा गया था कि आसिम दुबई में किसी अज्ञात महिला के पैसों पर रह रहे हैं और उस पर आर्थिक रूप से निर्भर हैं। आसिम के वकील ने आरोपों को बताया निराधार आसिम रियाज की ओर से लीगल फर्म फाल्कन लीगल के पार्टनर एडवोकेट सुहैल शरीफ ने इन आरोपों को सिरे से खारिज किया है। कानूनी नोटिस में कहा गया है कि भव्या के बयान आसिम को हिमांशी के खिलाफ शारीरिक हिंसा करने वाले व्यक्ति के रूप में गलत तरीके से पेश करते हैं। इन बयानों से आसिम की सामाजिक छवि और प्रोफेशनल करियर को भारी नुकसान पहुंचा है। वकील ने साफ किया कि उनके क्लाइंट अपने खिलाफ किसी भी तरह की मानहानि को बर्दाश्त नहीं करेंगे। नोटिस के जरिए भव्या सिंह से कहा गया है कि वे आसिम के खिलाफ किसी भी मानहानिकारक बयान को दोहराना तुरंत बंद करें। इसके साथ ही जिन मीडिया प्लेटफॉर्म्स ने इस पॉडकास्ट या उससे जुड़ी सामग्री को शेयर किया है, उनसे भी उस कंटेंट को 72 घंटे में हटाने के लिए कहा गया है। हिमांशी खुराना के आरोपों से शुरू हुआ विवाद
आसिम रियाज ने भव्या सिंह को भेजा लीगल नोटिस:भव्या ने कहा था- वो पागल इंसान, मारपीट करता है; धर्म परिवर्तन के आरोप लग चुके

बिग बॉस 13 फेम आसिम रियाज ने सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर भव्या सिंह को कानूनी नोटिस (सीज एंड डिजिस्ट) भेजा है। भव्या ने एक पॉडकास्ट के दौरान आसिम पर मारपीट करने और दुबई में किसी महिला के पैसों पर निर्भर रहने जैसे गंभीर आरोप लगाए थे। IANS के अनुसार आसिम के वकील ने इन दावों को पूरी तरह झूठा और छवि खराब करने वाला बताया है। नोटिस में भव्या और संबंधित मीडिया प्लेटफॉर्म्स को 72 घंटे के भीतर विवादित कंटेंट हटाने की हिदायत दी गई है। भव्या सिंह ने लगाए थे गंभीर आरोप एमटीवी स्प्लिट्सविला 12 फेम भव्या सिंह ने हाल ही में एक पॉडकास्ट में आसिम रियाज और उनकी एक्स-गर्लफ्रेंड हिमांशी खुराना के ब्रेकअप पर टिप्पणी की थी। भव्या ने दावा किया था कि उन्हें किसी ने बताया था कि आसिम पागल इंसान हैं और मारपीट करता था। इसके अलावा भव्या ने एक वीडियो होने का दावा भी किया था। पॉडकास्ट में यह भी कहा गया था कि आसिम दुबई में किसी अज्ञात महिला के पैसों पर रह रहे हैं और उस पर आर्थिक रूप से निर्भर हैं। आसिम के वकील ने आरोपों को बताया निराधार आसिम रियाज की ओर से लीगल फर्म फाल्कन लीगल के पार्टनर एडवोकेट सुहैल शरीफ ने इन आरोपों को सिरे से खारिज किया है। कानूनी नोटिस में कहा गया है कि भव्या के बयान आसिम को हिमांशी के खिलाफ शारीरिक हिंसा करने वाले व्यक्ति के रूप में गलत तरीके से पेश करते हैं। इन बयानों से आसिम की सामाजिक छवि और प्रोफेशनल करियर को भारी नुकसान पहुंचा है। वकील ने साफ किया कि उनके क्लाइंट अपने खिलाफ किसी भी तरह की मानहानि को बर्दाश्त नहीं करेंगे। नोटिस के जरिए भव्या सिंह से कहा गया है कि वे आसिम के खिलाफ किसी भी मानहानिकारक बयान को दोहराना तुरंत बंद करें। इसके साथ ही जिन मीडिया प्लेटफॉर्म्स ने इस पॉडकास्ट या उससे जुड़ी सामग्री को शेयर किया है, उनसे भी उस कंटेंट को 72 घंटे में हटाने के लिए कहा गया है। हिमांशी खुराना के आरोपों से शुरू हुआ विवाद
Kriti Sanon GIVA Ad Controversy

19 मिनट पहले कॉपी लिंक एक्ट्रेस कृति सेनन के रक्षाबंधन एडवर्टाइजमेंट विवाद पर अब उर्वशी रौतेला की प्रतिक्रिया सामने आई है। न्यूज एजेंसी IANS से बातचीत में उर्वशी ने कहा कि वे किसी भी महिला को उसके कपड़ों से जज नहीं करती हैं, लेकिन क्रिएटिविटी के नाम पर सांस्कृतिक संवेदनशीलता से समझौता नहीं होना चाहिए। रक्षाबंधन भारत का बेहद पवित्र त्योहार है और इसकी मर्यादा का ध्यान रखा जाना चाहिए। बता दें कि ज्वेलरी ब्रांड जीवा (GIVA) के इस विज्ञापन में कृति सेनन के इंडो-वेस्टर्न पहनावे को लेकर सोशल मीडिया पर काफी विरोध हुआ था, जिसके बाद ब्रांड ने विज्ञापन को हटा लिया है। ‘क्रिएटिविटी और परंपरा को एक साथ न मिलाएं’ बातचीत में उर्वशी रौतेला ने कहा, “हम आजादी और क्रिएटिविटी का जश्न मनाते हैं, लेकिन हमें यह सोचना होगा कि रक्षाबंधन एक संवेदनशील और पवित्र त्योहार है। इसे देश के करोड़ों लोग मनाते हैं और हमें अपनी परंपराओं पर गर्व है। हमें यह समझना होगा कि क्रिएटिविटी के नाम पर रक्षाबंधन जैसी पवित्र परंपरा से खिलवाड़ नहीं किया जा सकता।” उर्वशी ने कहा की क्रिएटिविटी के नाम पर रक्षाबंधन से खिलवाड़ नहीं किया जा सकता। ‘हमें तय करना होगा कि कहां सीमा होनी चाहिए’ उर्वशी ने बातचीत के दौरान भारतीय संस्कृति के प्रति अपने सम्मान का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि रक्षाबंधन भाई-बहन के अटूट रिश्ते का खूबसूरत त्योहार है। उर्वशी ने जोर देते हुए कहा, “हमें एक सीमा तय करनी होगी कि हमें क्या करना चाहिए और क्या नहीं। आखिरकार हम सब भारतीय हैं और हमें अपने देश और संस्कृति का सम्मान करना चाहिए।” जानिए क्या है पूरा विवाद- कृति सेनन ने एड में रिवीलिंग कपड़े पहने- यह पूरा विवाद जीवा (GIVA) ज्वेलरी ब्रांड के 36 सेकंड के रक्षाबंधन एडवर्टाइजमेंट से शुरू हुआ था। रक्षाबंधन से जुड़े इस एड में कृति ने ऑफ व्हाइट ब्रालेट स्टाइल ब्लाउज, केप और ड्रेप्ड स्कर्ट पहना था। सोशल मीडिया यूजर्स के एक वर्ग ने इस लुक की आलोचना की। उनका कहना था कि परिवार और परंपरा से जुड़े त्योहार के लिए यह आधुनिक स्टाइल सही नहीं है। कंगना ने कृति के लुक की निंदा की- सोशल मीडिया ट्रोलिंग के बीच कंगना रनोट ने सोशल मीडिया पर बिना कृति का नाम लिए लिखा, “महिला होने के लिए यह शानदार समय है। हमारी अलमारियां कई तरह के कपडों से भरी हैं और आज की महिला ग्लोबल महिला है। कॉकटेल ड्रेस से लेकर लहंगा चोली तक, जींस से लेकर साडी तक, बिकिनी से लेकर सलवार-कमीज तक, आज हमारे पास पहनने के इतने विकल्प हैं। फिर आप अपने भाई को बिकिनी या अंडरगारमेंट्स में राखी क्यों बांधेंगी? आपके पास स्टाइलिंग के इतने विकल्प कहां हैं? हा हा, यह विज्ञापन जानबूझकर अजीब बनाया गया लगता है।” कृति सेनन ने कंगना को जवाब दिया- कंगना की टिप्पणी के बाद आलोचना के बीच कृति ने आधिकारिक बयान जारी किया। उन्होंने कहा, “त्योहारों का मतलब आपके पहने हुए कपडों में नहीं, बल्कि परंपराओं के लिए आपके मन में मौजूद भावनाओं और उनके अर्थ में होता है। “रक्षाबंधन सुरक्षा के रिश्ते का त्योहार है। मेरी बहन और मैं एक-दूसरे को राखी बांधते हैं। हम जानते हैं कि हम भी एक भाई जितना ही एक-दूसरे की रक्षा कर सकते हैं। हम महिलाओं को यह बताना कब बंद करेंगे कि उन्हें क्या पहनना चाहिए? एथनिक फैशन समय के साथ बदला है, लेकिन आज भी किसी महिला की संस्कृति के प्रति इज्जत सिर्फ उसके कपडों से मापी जाती है। संस्कृति और परंपराएं उसके दिल में होती हैं, उसकी नेकलाइन में नहीं।” राहुल गांधी ने किया कृति का बचाव- विवाद पर राहुल गांधी ने कृति की पोस्ट री-शेयर कर लिखा कि कोई महिला क्या पहनती है, क्या करती है और कहां जाती है, यह उसकी अपनी पसंद है। महिलाओं के कपड़ों और जीवनशैली की ऑनलाइन पुलिसिंग यानी पहरेदारी नहीं करनी चाहिए। राहुल ने अपने पोस्ट में ‘स्मैश द पेट्रियार्की’ हैशटैग का इस्तेमाल किया था। विवाद के बाद ब्रांड ने हटाया एडवर्टाइजमेंट- सोशल मीडिया पर कपड़ों और पेट डॉग को राखी बांधने को लेकर विवाद बढ़ता देख ब्रांड ने आधिकारिक बयान जारी कर माफी मांगी और इस एडवर्टाइजमेंट को अपने सभी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स से हटा लिया है। दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔
Nikki Tamboli & Arbaz Patel Breakup Controversy

8 मिनट पहले कॉपी लिंक निक्की तंबोली और अरबाज पटेल का रिश्ता लगभग दो साल पुराना है। एक्ट्रेस निक्की तंबोली और अरबाज पटेल दोनों ने इंस्टाग्राम पर एक-दूसरे को अनफॉलो कर दिया है, जिसके बाद उनके अलग होने की चर्चा शुरू हो गई है। हालांकि, निक्की और अरबाज ने अभी तक अपने ब्रेकअप की पुष्टि नहीं की है। इस बीच दोनों ने सोशल मीडिया पर धोखे और टूटे वादों से जुड़े पोस्ट भी शेयर किए हैं। अरबाज ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट शेयर की। जिसमें उन्होंने लिखा, “अपने पार्टनर को धोखा देना, फिर घर आकर उसकी आंखों में देखकर कहना कि मैं तुमसे प्यार करता हूं, बेइज्जती का बिल्कुल अलग स्तर है। मैंने जो कहा, वही कहा।” अरबाज की पोस्ट। अरबाज ने पोस्ट में किसी का नाम नहीं लिया था। हालांकि, सोशल मीडिया यूजर्स ने कयास लगाए कि उनका इशारा निक्की की ओर था। वहीं, इसके पहले निक्की ने एक नोट शेयर किया था। जिसमें उन्होंने लिखा, “वह सच्चाई, जिसके बारे में लोग नहीं कहते। अफेयर्स इसलिए नहीं होते कि कोई नया इंसान बहुत ज्यादा आकर्षक है। वे इसलिए होते हैं, क्योंकि कोई पुराना इंसान अपने वादों का सम्मान करना बंद कर देता है।” बिग बॉस मराठी 5 में शुरू हुई थी नजदीकी निक्की और अरबाज की बॉन्डिंग ने पहली बार बिग बॉस मराठी 5 के दौरान लोगों का ध्यान खींचा था। शो में दोनों का रिश्ता चर्चा का एक प्रमुख विषय बना रहा। रियलिटी शो से बाहर आने के बाद भी दोनों ने अपना रिश्ता जारी रखा। बाद में दोनों ने ‘द 50’ में साथ हिस्सा लिया। अरबाज पटेल और निक्की तंबोली एक-दूसरे के साथ पोस्ट शेयर करते थे। इस शो के दौरान भी दोनों का रिश्ता मजबूत नजर आया। एक मौके पर अरबाज ने घुटने के बल बैठकर निक्की को प्रपोज किया था। उन्होंने निक्की को अपना “खूबसूरत पार्टनर” बताया था। अरबाज ने कहा था कि इस शो ने उन्हें यादगार सफर के साथ एक खूबसूरत जोड़ी भी दी। निक्की ने अरबाज का प्रपोजल स्वीकार किया और उन्हें गले लगाया। उस समय उन्होंने अपने परिवार की सोच के बारे में भी बात की थी। निक्की ने बताया था कि उनके पिता दोनों अलग धर्मों के रिश्ते के पक्ष में नहीं थे। रियलिटी शो ‘द 50’ में अरबाज पटेल ने निक्की तंबोली को घुटने पर बैठकर आधिकारिक रूप से प्रपोज किया था। फराह खान के व्लॉग में पहली मुलाकात का जिक्र फराह खान के व्लॉग में पहले नजर आने के दौरान निक्की ने अरबाज से अपनी पहली मुलाकात के बारे में बात की थी। उन्होंने कहा था कि अरबाज को स्टेज पर देखने के बाद उन्हें तुरंत जुड़ाव महसूस हुआ था। वहीं, अरबाज ने याद किया था कि निक्की ने खुले तौर पर कहा था कि वह उनके हैं। ……………………. निक्की तंबोली से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… निक्की तंबोली ने धनश्री वर्मा पर कसा तंज:कहा- वफादारी की अदाकारी मत करो, शक्ल से नस्ल पहचानते हैं पिछले साल रियलिटी शो ‘राइज एंड फॉल’ के दौरान निक्की तंबोली ने अरबाज पटेल और धनश्री वर्मा के बीच चल रहे विवाद पर बात की थी। निक्की ने शो की एक क्लिप सोशल मीडिया पर शेयर की थी। इसमें धनश्री, निक्की पर जानबूझकर उनके सामने बातें करने का आरोप लगाती नजर आई थीं। इस पर निक्की ने लिखा था कि उनके सामने वफादारी की अदाकारी न करें। शो में पहुंचकर निक्की ने अरबाज को धनश्री से सावधान रहने की सलाह भी दी थी। उन्होंने कहा था कि गेम से ज्यादा जरूरी शिष्टाचार और सम्मान है। पूरी खबर यहां पढ़ें… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔
NEET PG Exam Controversy | Jaipur Sitapura Center Technical Glitch

जयपुर28 मिनट पहले कॉपी लिंक जयपुर में NEET PG-2026 परीक्षा के सीतापुरा के ION डिजिटल जोन सेंटर पर हंगामा हो गया। कैंडिडेट्स ने आरोप लगाया कि कंप्यूटर बार-बार बंद हुए, जिससे परीक्षा प्रभावित हुई। दो घंटे में 10 बार तक एग्जाम बाधित हुआ। छात्रों ने पेपर लीक की भी आशंका जताई है। परीक्षा खत्म होने के बाद से सैकड़ों की संख्या में परीक्षार्थी विरोध-प्रदर्शन कर रहे हैं। हंगामा बढ़ता देख इस सेंटर की परीक्षा कैंसिल कर दी गई है। इस केंद्र पर अब 5 सितंबर को फिर से परीक्षा होगी। सबसे पहले देखिए- हंगामे से जुड़े PHOTOS एग्जाम देने पहुंचे कई डॉक्टर्स ने आरोप लगाया कि परीक्षा के बीच में कई बार अधिकारियों को बुलाने की मांग की गई, लेकिन किसी ने ध्यान नहीं दिया। अधिकारियों ने बताया कि ION डिजिटल जोन में दो परीक्षा केंद्र हैं। दोनों ही केंद्रों में गड़बड़ी के आरोप लगे हैं। दोनों केंद्रों पर करीब 2500 कैंडिडेट रजिस्टर्ड हैं। अब यहां 5 सितंबर दोपहर 3 बजे से फिर से परीक्षा होगी। सेंटर पर हंगामा बढ़ने के बाद आसपास के थानों से भी पुलिस फोर्स बुलाई गई थी। 9 बजे की परीक्षा 10 बजे शुरू होने का आरोप छात्रों के अनुसार, परीक्षा सुबह 9 बजे शुरू होनी थी, लेकिन इसे करीब 10 बजे शुरू किया गया। बार-बार बंद होने के बाद कुछ कंप्यूटर्स को फिर से स्टार्ट करने के बाद स्क्रीन पर 3 से 4 सवाल ही दिखाई दिए। जबकि कुछ छात्रों के सिस्टम पर 5 से 6 सवाल आने के बाद फिर कंप्यूटर बंद हो गए। छात्रों का आरोप है कि सेंटर के स्टाफ ने तकनीकी खराबी का कोई कारण नहीं बताया। FIR की धमकी देने का आरोप विरोध कर रहे छात्रों ने आरोप लगाया- पुलिस से मामले की शिकायत की तो विरोध प्रदर्शन करने पर कार्रवाई की चेतावनी दी गई। छात्रों का दावा है कि उनसे कहा गया कि यदि वे बाहर प्रदर्शन जारी रखते हैं तो उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जा सकता है। वहीं, छात्रों ने आरोप लगाया कि बार-बार सिस्टम बंद होने और अलग-अलग सवाल दिखाई देने के बाद उन्हें परीक्षा की गोपनीयता पर संदेह है। छात्रों ने मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए। नीट यूजी पेपरलीक के राजस्थान से जुड़े थे तार पेपरलीक के आरोपों के कारण 3 मई को हुई NEET-UG 2026 की परीक्षा रद्द हो गई थी। इसके बाद NTA ने 21 जून को दोबारा परीक्षा कराई थी। पेपरलीक के तार जयपुर सहित राजस्थान के कई शहरों से जुड़े थे। इसमें राजस्थान से गिरफ्तारियां भी हुई थीं। दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
‘सबकी मजबूरियां होती होंगी’:सलमान खान के ‘सोनम, इट्स डन ब्रो’ कमेंट पर सोनम वांगचुक ने रिएक्शन दिया

सोनम वांगचुक ने सलमान खान के ‘सोनम, इट्स डन ब्रो’ कमेंट पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि सलमान की अपनी मजबूरियां रही होंगी और वे इस बारे में कुछ नहीं कहना चाहते। सोनम वांगचुक ने यह बात प्रखर गुप्ता से बातचीत में कही। सलमान ने पहले छात्रों के प्रदर्शन का समर्थन किया था 22 जुलाई को सोनम वांगचुक अपनी भूख हड़ताल के आखिरी दौर में थे। इसी दौरान सलमान खान ने सोशल मीडिया पर एक छात्र के रूप में अपनी पुरानी तस्वीर शेयर की और छात्रों के प्रदर्शन का समर्थन किया। हालांकि, 24 घंटे के अंदर सलमान ने एक और पोस्ट कर वांगचुक से तुरंत भूख हड़ताल खत्म करने की अपील की। उन्होंने लिखा, “सोनम, इट्स डन, ब्रो।” सलमान की पोस्ट पर प्रतिक्रिया देते हुए वांगचुक ने कहा, “सबकी मजबूरियां होती होंगी। मैं इस बारे में बात नहीं करना चाहता।” उन्होंने आगे कहा, “आपको हर दिशा में देखना होता है। उन्होंने कुछ कहा, यही बात सम्मान के लायक है। उनकी मजबूरियों पर मैं कुछ नहीं कह सकता।” सलमान ने छात्रों के प्रदर्शन का समर्थन किया था 22 जुलाई को सलमान खान ने छात्रों के प्रदर्शन का समर्थन किया था। उन्होंने X पर लिखा था, “यह इतना शांतिपूर्ण आंदोलन था, इसलिए दुख होता है कि इसे हिंसक रूप लेना पड़ा। जिन छात्रों और उनके परिवारों को चोट लगी, उनके लिए मुझे बहुत दुख है। पेपर लीक बहुत गंभीर मुद्दा है। यह देखकर खुशी हुई कि हमारे देश के बच्चे बेहतर शिक्षा व्यवस्था के लिए एकजुट हुए और उनके माता-पिता ने उनका साथ दिया।” सलमान ने आगे लिखा, “मैं उनके रुख की सराहना करता हूं। उन्होंने पढ़ाई के लिए समर्पण, ईमानदारी और मेहनत करने की इच्छा दिखाई है, ताकि वे अपना भविष्य और एक बेहतर, शिक्षित भारत बना सकें। यह आंदोलन और प्रदर्शन सही तरीके से किया गया है और छात्रों ने इसे शांतिपूर्ण रखा। यह पीढ़ी भारत को गर्व महसूस कराएगी। यह मामला छात्रों और शिक्षा व्यवस्था के बीच है। इसे राजनीतिक रूप से अपने कब्जे में नहीं लिया जाना चाहिए। इसका श्रेय केवल देश के छात्रों को मिलना चाहिए।” उन्होंने यह भी लिखा था, “मुझे यकीन है कि सरकार भी उन्हें पूरा समर्थन देगी और शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाएगी। यह सभी के लिए फायदे की स्थिति होगी। सकारात्मक निर्णय की उम्मीद और प्रार्थना है। उन सभी को भगवान आशीर्वाद दे, जो शिक्षित होना चाहते हैं।” एक्टर ने कहा, “शिक्षा अगला ट्रेंड और फैशन होना चाहिए। हर साल इसे और ट्रेंडी और फैशनेबल बनना चाहिए, ताकि विदेशों से लोग भारत में पढ़ने आएं और भारत शिक्षा का केंद्र बन जाए।” एक दिन बाद सलमान ने प्रदर्शन खत्म करने को कहा छात्र प्रदर्शन का समर्थन करने के एक दिन बाद सलमान ने प्रदर्शनकारियों से आंदोलन खत्म करने की अपील की। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पेपर लीक के जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई करेंगे। सलमान ने X पर लिखा था, “छात्र शिक्षा और सुरक्षा, दोनों मामलों में सबसे ऊपर हैं। इसलिए उन्हें अपने माता-पिता को परेशान करने की जरूरत नहीं है। माननीय प्रधानमंत्री ने ट्वीट किया है और मुझे यकीन है कि वे पेपर लीक के जिम्मेदार सभी लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करेंगे।” उन्होंने छात्रों से कहा था, “इसलिए छात्रों, कृपया अपने माता-पिता और घर वापस चले जाएं।” सलमान ने सोनम वांगचुक से भी भूख हड़ताल खत्म करने की अपील की। उन्होंने लिखा था, “सोनम, इट्स डन, ब्रो। इसे आगे मत बढ़ाओ। अगर किसी और दिन जरूरत पड़ी, तो उसके लिए यह भावना बचाकर रखो, हालांकि मुझे इसकी संभावना नहीं लगती। कुछ खा लो। अगर तुम चाहो तो मैं घर से तुम्हारे लिए खाना भेज दूंगा।” ‘सोनम, इट्स डन ब्रो’ पर बने मीम सलमान की यह पोस्ट सामने आते ही “सोनम, इट्स डन ब्रो” लाइन वायरल हो गई। लोगों ने इस पर कई मीम बनाए। कुछ मीम टी-शर्ट पर भी छापे गए।
‘सबकी मजबूरियां होती होंगी’:सलमान खान के ‘सोनम, इट्स डन ब्रो’ कमेंट पर सोनम वांगचुक ने रिएक्शन दिया

सोनम वांगचुक ने सलमान खान के ‘सोनम, इट्स डन ब्रो’ कमेंट पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि सलमान की अपनी मजबूरियां रही होंगी और वे इस बारे में कुछ नहीं कहना चाहते। सोनम वांगचुक ने यह बात प्रखर गुप्ता से बातचीत में कही। सलमान ने पहले छात्रों के प्रदर्शन का समर्थन किया था 22 जुलाई को सोनम वांगचुक अपनी भूख हड़ताल के आखिरी दौर में थे। इसी दौरान सलमान खान ने सोशल मीडिया पर एक छात्र के रूप में अपनी पुरानी तस्वीर शेयर की और छात्रों के प्रदर्शन का समर्थन किया। हालांकि, 24 घंटे के अंदर सलमान ने एक और पोस्ट कर वांगचुक से तुरंत भूख हड़ताल खत्म करने की अपील की। उन्होंने लिखा, “सोनम, इट्स डन, ब्रो।” सलमान की पोस्ट पर प्रतिक्रिया देते हुए वांगचुक ने कहा, “सबकी मजबूरियां होती होंगी। मैं इस बारे में बात नहीं करना चाहता।” उन्होंने आगे कहा, “आपको हर दिशा में देखना होता है। उन्होंने कुछ कहा, यही बात सम्मान के लायक है। उनकी मजबूरियों पर मैं कुछ नहीं कह सकता।” सलमान ने छात्रों के प्रदर्शन का समर्थन किया था 22 जुलाई को सलमान खान ने छात्रों के प्रदर्शन का समर्थन किया था। उन्होंने X पर लिखा था, “यह इतना शांतिपूर्ण आंदोलन था, इसलिए दुख होता है कि इसे हिंसक रूप लेना पड़ा। जिन छात्रों और उनके परिवारों को चोट लगी, उनके लिए मुझे बहुत दुख है। पेपर लीक बहुत गंभीर मुद्दा है। यह देखकर खुशी हुई कि हमारे देश के बच्चे बेहतर शिक्षा व्यवस्था के लिए एकजुट हुए और उनके माता-पिता ने उनका साथ दिया।” सलमान ने आगे लिखा, “मैं उनके रुख की सराहना करता हूं। उन्होंने पढ़ाई के लिए समर्पण, ईमानदारी और मेहनत करने की इच्छा दिखाई है, ताकि वे अपना भविष्य और एक बेहतर, शिक्षित भारत बना सकें। यह आंदोलन और प्रदर्शन सही तरीके से किया गया है और छात्रों ने इसे शांतिपूर्ण रखा। यह पीढ़ी भारत को गर्व महसूस कराएगी। यह मामला छात्रों और शिक्षा व्यवस्था के बीच है। इसे राजनीतिक रूप से अपने कब्जे में नहीं लिया जाना चाहिए। इसका श्रेय केवल देश के छात्रों को मिलना चाहिए।” उन्होंने यह भी लिखा था, “मुझे यकीन है कि सरकार भी उन्हें पूरा समर्थन देगी और शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाएगी। यह सभी के लिए फायदे की स्थिति होगी। सकारात्मक निर्णय की उम्मीद और प्रार्थना है। उन सभी को भगवान आशीर्वाद दे, जो शिक्षित होना चाहते हैं।” एक्टर ने कहा, “शिक्षा अगला ट्रेंड और फैशन होना चाहिए। हर साल इसे और ट्रेंडी और फैशनेबल बनना चाहिए, ताकि विदेशों से लोग भारत में पढ़ने आएं और भारत शिक्षा का केंद्र बन जाए।” एक दिन बाद सलमान ने प्रदर्शन खत्म करने को कहा छात्र प्रदर्शन का समर्थन करने के एक दिन बाद सलमान ने प्रदर्शनकारियों से आंदोलन खत्म करने की अपील की। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पेपर लीक के जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई करेंगे। सलमान ने X पर लिखा था, “छात्र शिक्षा और सुरक्षा, दोनों मामलों में सबसे ऊपर हैं। इसलिए उन्हें अपने माता-पिता को परेशान करने की जरूरत नहीं है। माननीय प्रधानमंत्री ने ट्वीट किया है और मुझे यकीन है कि वे पेपर लीक के जिम्मेदार सभी लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करेंगे।” उन्होंने छात्रों से कहा था, “इसलिए छात्रों, कृपया अपने माता-पिता और घर वापस चले जाएं।” सलमान ने सोनम वांगचुक से भी भूख हड़ताल खत्म करने की अपील की। उन्होंने लिखा था, “सोनम, इट्स डन, ब्रो। इसे आगे मत बढ़ाओ। अगर किसी और दिन जरूरत पड़ी, तो उसके लिए यह भावना बचाकर रखो, हालांकि मुझे इसकी संभावना नहीं लगती। कुछ खा लो। अगर तुम चाहो तो मैं घर से तुम्हारे लिए खाना भेज दूंगा।” ‘सोनम, इट्स डन ब्रो’ पर बने मीम सलमान की यह पोस्ट सामने आते ही “सोनम, इट्स डन ब्रो” लाइन वायरल हो गई। लोगों ने इस पर कई मीम बनाए। कुछ मीम टी-शर्ट पर भी छापे गए।
Salman Khan Subhash Ghai Controversy

27 मिनट पहले कॉपी लिंक सलमान खान और फिल्ममेकर सुभाष घई ने मुख्य रूप से साल 2008 में आई फिल्म ‘युवराज’ में एक साथ काम किया है। फिल्ममेकर सुभाष घई ने हाल ही में बताया कि सलमान खान के साथ हुए उनके झगड़े के बाद सलीम खान ने सलमान को उनसे माफी मांगने के लिए भेजा था। यह घटना फिल्म ‘युवराज’ में दोनों के साथ काम करने से पहले हुई थी। घई के मुताबिक, एक पार्टी में सलमान ने कथित तौर पर उन्हें गालियां दी थीं और दोनों के बीच हाथापाई भी हुई थी। टाइम्स नाउ को दिए इंटरव्यू में सुभाष घई ने बताया, “युवराज के लिए सलमान खान के भाई ने मुझसे संपर्क किया और कहा, ‘आप सलमान के साथ फिल्म क्यों नहीं बनाते?’ मैंने कहा, ‘क्या सलमान इसके लिए तैयार हैं? क्योंकि मैंने उनके साथ कभी काम नहीं किया।’ उन्होंने कहा, ‘वह तैयार हैं।’” इसके बाद घई ने फिल्म की कहानी लिखी। उन्होंने कहा, “मेरी चुनौती यह थी कि मुझे एक ऐसे किरदार में एक्टर को लेना था, जिसे उसने पहले कभी नहीं निभाया हो।” बता दें कि फिल्म ‘युवराज’ में सलमान खान के साथ अनिल कपूर और कैटरीना कैफ भी थीं। इसके बावजूद यह फिल्म बॉक्स ऑफिस पर सक्सेस नहीं हो पाई। 2008 में रिलीज हुई सलमान खान स्टारर फिल्म ‘युवराज’ करीब ₹48 करोड़ के बजट में बनी थी। फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर करीब ₹31.22 करोड़ की कमाई की थी। घई बोले- स्टार इमेज किरदार पर भारी पड़ सकती है फिल्म के कामयाब नहीं होने पर घई ने कहा, “कई बार ये किरदार इसलिए काम नहीं करते, क्योंकि स्टार किरदार पर हावी हो जाता है। वह किरदार निभाने के बजाय खुद को ही निभाता है।” घई ने आगे कहा, “एक समय के बाद स्टार खुद का ही कैरिकेचर बन जाते हैं। आप कितनी बार खुद को दोहरा सकते हैं? बच्चन साहब यानी अमिताभ बच्चन को सलाम है कि उन्होंने इतने सारे किरदार निभाए हैं।” सुभाष घई ने 1976 में फिल्म कालीचरण से अपने निर्देशन की शुरुआत की, जो बॉक्स ऑफिस पर ब्लॉकबस्टर साबित हुई थी। पार्टी में सलमान से हुआ था झगड़ा घई ने झगड़े वाली घटना को याद करते हुए कहा, “फिल्म से पहले हमारा झगड़ा हुआ था। हाथापाई हुई थी। इसके बाद उनके (सलमान) पिता ने उन्हें डांटा था।” उन्होंने बताया, “हम एक पार्टी में थे। सलमान नशे में थे। वह कुछ गलत बात कह रहे थे, तो मैंने उनसे कहा, ‘ऐसा मत कहो।’ उन्हें मुझसे किसी बात की नाराजगी थी।” घई ने कहा, “उन्होंने मुझसे पूछा, ‘तुमने यह या वह क्यों किया?’ मैंने कहा कि डायरेक्टर के तौर पर यह मेरा फैसला है। वह मुझे गालियां देने लगे। मैंने उनसे ऐसा नहीं करने को कहा। इसके बाद वहां हमारा झगड़ा हो गया।” सलीम खान ने सलमान को माफी मांगने भेजा घई के मुताबिक, इस बहस के बाद सलीम खान ने मामले को सुलझाया। उन्होंने कहा, “अगली सुबह सलीम साहब ने मुझे फोन किया और बताया कि सलमान ने अपनी मां को ये सारी बातें बता दी थीं।” घई ने कहा, “उन्होंने बताया कि मैंने (सलीम) उसे डांटा है। इसके बाद उन्होंने सलमान को मेरे घर माफी मांगने के लिए भेजा। सलमान आए और उन्होंने शालीनता से माफी मांगी।” उन्होंने आगे कहा, “इसके बाद मैं उन्हें पसंद करने लगा, क्योंकि वह अपने पिता की बहुत इज्जत करते थे। मैंने उस बात को वहीं खत्म कर दिया। हम अक्सर एक-दूसरे के घर जाते थे। इसके बाद हमने साथ में एक फिल्म की।” ………… सुभाष घई से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें 83 साल के हुए डायरेक्टर सुभाष घई: जन्मदिन के मौके पर बताया क्यों नानाजी ने सुभाष चंद्र बोस के नाम पर उनका नाम रखा था? डायरेक्टर सुभाष घई ने अपने 83वें जन्मदिन के मौके पर दैनिक भास्कर के साथ खास बातचीत की थी। इसमें उन्होंने बताया था कि 83 साल की उम्र में अब वे अपनी सेहत, आध्यात्मिकता, आचरण, परिवार, समाज और देशहित के लिए जितना संभव हो सके, उतना काम करेंगे। साथ ही बताया था कि क्यों उनके नानाजी ने सुभाष चंद्र बोस के नाम पर उनका नाम रखा था? पूरी खबर यहां पढ़ें.. दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔






