बीच सड़क पर स्कूटी सवार दो बहनों से मारपीट:मां की दवाइयां लेकर लौट रही थी, मकरोनिया चौराहे पर रोका और मारपीट कर भागे युवक

सागर के मकरोनिया चौराहे के पास स्कूटी सवार दो युवकों ने मां की दवाइयां लेकर लौट रही दो बहनों के साथ मारपीट की। सोमवार को मारपीट का वीडियो सामने आया है। जिसमें स्कूटी सवार युवक बीच सड़क पर युवतियों के साथ मारपीट करते हुए नजर आ रहा है। मामले में युवती की शिकायत पर मकरोनिया पुलिस ने दो युवकों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच में लिया है। स्कूटी से आए थे दो युवक पुलिस के अनुसार, पैराडाइज होटल के पास किराए से रहने वाली 22 वर्षीय युवती ने थाने में शिकायत की। शिकायत में बताया कि वह रविवार रात करीब 8 बजे अपनी छोटी बहन के साथ स्कूटी से मां की दवाई लेने फौजी मेडीकल स्टोर मकरोनिया गई थी। जहां दवाइयां लेकर वापस अपने घर लौट रही थी। तभी महावीर मेडिकल स्टोर मकरोनिया के पास पीछे से बगैर नंबर की स्कूटी पर सवार दो युवक आए। उनके नाम आकाश वर्मा और उसका दोस्त अभिषेक थे। उन्होंने गालीगलौज शुरू कर दी। आरोपियों की तलाश में जुटी पुलिस स्कूटी में लात मारी तो हम लोगों ने अपनी स्कूटी खड़ी कर ली। गालियां देने से मना किया तो आकाश ने स्कूटी की चाबी से मारपीट की। छोटी बहन के साथ भी मारपीट की गई। मारपीट में मामूली चोटे आई हैं। घटनाक्रम के दौरान राहगीर ने मारपीट का वीडियो बना लिया जो अब सोशल मीडिया पर सामने आया है। मामले की शिकायत पर पुलिस मामला दर्ज कर आरोपियों की तलाश कर रही है।
उमरिया के चंदिया में महिला की संदिग्ध मौत:जहर खाने के बाद बिगड़ी थी तबीयत, परिवार में तीन छोटे बच्चे

उमरिया जिले के चंदिया थाना क्षेत्र में रविवार रात एक 29 वर्षीय महिला की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। प्रारंभिक जांच में पुलिस ने जहरीले पदार्थ के सेवन से मौत होने की आशंका जताई है। रात में बिगड़ी तबीयत ग्राम बांसा निवासी सीताबाई ने रविवार रात अज्ञात कारणों से जहरीले पदार्थ खा लिया था। तबीयत बिगड़ने पर परिजनों ने डायल 112 को सूचना दी, जिसके बाद चंदिया थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लिया। परिजनों ने बताया कि सीताबाई के तीन छोटे बच्चे हैं। पुलिस ने सोमवार को शव का पंचनामा तैयार कर पोस्टमार्टम कराया और शव परिजनों को सौंप दिया है। घटना के पीछे के कारणों का अभी खुलासा नहीं हो पाया है। कारणों की तलाश में जुटी पुलिस एसडीओपी पीएल परस्ते ने बताया कि पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है। आत्महत्या या अन्य कारणों का पता लगाने के लिए परिजनों और संबंधित लोगों से पूछताछ की जा रही है।
बड़ा तालाब किनारे कब्जे पर चली JCB:भोपाल के सेवनिया, गौरागांव में कार्रवाई; बाउंड्रीवॉल समेत पक्के निर्माण तोड़े

भोपाल के बड़ा तालाब को अतिक्रमण मुक्त करने के लिए जिला प्रशासन ने सोमवार को फिर से कार्रवाई की। टीटी नगर एसडीएम वृत्त की टीम सेवनिया और गौरा गांव पहुंची। यहां पर बड़ा तालाब के दायरे में ही बाउंड्रीवॉल समेत कई पक्के निर्माण थे। जिन्हें जेसीबी की मदद से हटा दिया गया। एसडीएम अर्चना शर्मा, तहसीलदार कुणाल रावत के निर्देशन में टीमों ने यह कार्रवाई की। इस दौरान पुलिस बल भी मौजूद रहा। ताकि, हंगामा होने पर निपटा जा सके। दोपहर तक कार्रवाई चली। इस दौरान आधा दर्जन से ज्यादा अतिक्रमण हटा दिए गए। बता दें कि प्रशासन ने तालाब के चारों ओर कुल 347 अतिक्रमण चिन्हित किए हैं, जिन्हें अगले 15 दिन में हटाया जाएगा। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि भोज वेटलैंड रूल्स लागू होने (16 मार्च 2022) के बाद बने सभी निर्माण हटाए जाएंगे। बड़ा तालाब के FTL (फुल टैंक लेवल) से 50 मीटर तक के अतिक्रमण पर कार्रवाई की जा रही है। इसके चलते सोमवार को यह कार्रवाई की गई। कार्रवाई की देखिए तस्वीरें… दो महीने में लिस्टेड किए कब्जे पिछले दो महीने से जिला प्रशासन अतिक्रमण को चिह्निंत कर रहा था। टीटी नगर एसडीएम वृत्त के गौरा गांव, बिसनखेड़ी में सबसे ज्यादा कब्जे सामने आए थे। वहीं, बैरागढ़, बहेटा में भी लोगों ने तालाब की सीमा पर निर्माण कर लिए हैं। किस दिन, कहां होगी कार्रवाई? गांवों में सबसे ज्यादा कब्जे टीटी नगर एसडीएम सर्कल के गौरा गांव और बिसनखेड़ी में सबसे ज्यादा अतिक्रमण सामने आए हैं। इसके अलावा बैरागढ़ और बहेटा क्षेत्र में भी बड़े पैमाने पर निर्माण किए गए हैं। वन विहार नेशनल पार्क क्षेत्र में भी सीमांकन के दौरान करीब 2.5 किमी में 100 से ज्यादा पिलर लगाए जाने की बात सामने आई है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह निर्माण वेटलैंड नियमों के खिलाफ हो सकता है। बैरागढ़ सर्कल में भी बड़ी संख्या में अतिक्रमण सामने आया है। मामला NGT तक पहुंचने की तैयारी पर्यावरणविद् राशिद नूर के मुताबिक, मामला गंभीर है और इसे नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (NGT) में उठाया जाएगा।
एमपी के 6 जिलों में नए मेडिकल कॉलेज को मंजूरी:सागर में 286 करोड़ की सिंचाई परियोजना को मंजूरी; 12.44 लाख लीटर पहुंचा दुग्ध प्रोडक्शन

आज भोपाल में मध्यप्रदेश मंत्रीमंडल की बैठक हुई। इसमें लोक निर्माण विभाग की परियोजनाएं जारी रखने, 6 नए मेडिकल कॉलेजों के प्रस्तावों को मंजूरी, सामाजिक योजनाओं की निरंतरता और सागर की सिंचाई परियोजना सहित कई अहम फैसले लिए गए। बैठक से पहले, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि यह सप्ताह महिला सशक्तिकरण के लिए महत्वपूर्ण रहेगा। 16 अप्रैल से संसद के विशेष सत्र में नारी शक्ति वंदन अधिनियम 2023 को स्वीकृति के लिए पेश किया जाएगा। राज्य में 25 अप्रैल तक नारी शक्ति वंदन पखवाड़ा मनाया जा रहा है। कैबिनेट बैठक शुरू होने से पहले मुख्यमंत्री ने बताया कि पूरे प्रदेश में नारी शक्ति वंदन सम्मेलन और पदयात्राएं आयोजित की जाएंगी। महाविद्यालयों में भी इससे जुड़े कार्यक्रम किए जाएंगे। उर्वरक सब्सिडी के लिए 41,833 करोड़ की मंजूरी सीएम ने बताया कि केंद्र सरकार ने खरीफ 2026 के लिए फॉस्फेट और पोटेशियम उर्वरकों पर 41,833 करोड़ रुपए की सब्सिडी को मंजूरी दी है, जिससे किसानों को लाभ मिलेगा। रायसेन में आयोजित तीन दिवसीय कृषि महोत्सव का उद्घाटन रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि बालाघाट में नक्सल गतिविधियों के समाप्त होने के बाद अब विकास कार्य तेज किए जाएंगे। 6 जिलों में नए मेडिकल कॉलेज को मंजूरी राजगढ़, मंडला, नीमच, मंदसौर, शिवपुरी और सिंगरौली जिलों में नए मेडिकल कॉलेज स्थापित करने के प्रस्ताव को स्वीकृति दी गई। इससे स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार होगा। कृषि से जुड़ी मैकेनाइजेशन योजना को भी आगे जारी रखने का निर्णय लिया गया, जिससे किसानों को आधुनिक उपकरणों का लाभ मिलता रहेगा। दूध उत्पादन 9.4 से बढ़कर 12.4 लाख लीटर कैबिनेट में बताया गया कि प्रदेश में दूध उत्पादन बढ़कर 12.4 लाख लीटर हो गया है, जो पहले 9.4 लाख लीटर था। यह करीब 25 प्रतिशत की वृद्धि है। सागर में 286 करोड़ की सिंचाई परियोजना स्वीकृत मंत्रिमंडल ने सागर जिले के लिए 286 करोड़ रुपए की मिडवासा मध्यम सिंचाई परियोजना को मंजूरी दी है। इस परियोजना से करीब 7200 हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई सुविधा उपलब्ध होगी। इधर, मंत्रिमंडल ने लोक निर्माण विभाग की चार चल रही परियोजनाओं को निरंतर जारी रखने का निर्णय लिया। इन परियोजनाओं के माध्यम से आधारभूत ढांचे को मजबूत करने का लक्ष्य रखा गया है। कैबिनेट ने मध्यान्ह भोजन परिषद, मिशन शक्ति, संबल योजना, बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ और हेल्पलाइन 181 को जारी रखने की मंजूरी दी। इन योजनाओं के माध्यम से महिला और बाल विकास से जुड़े कार्यक्रम संचालित होते रहेंगे।
ब्यौहारी में किराना दुकान में आग:हजारों का सामान राख; गांव के लोगों पर संदेह

शहडोल जिले के ब्यौहारी थाना क्षेत्र के खड्डा गांव में बीती रात एक झोपड़ीनुमा किराना दुकान में अज्ञात लोगों ने आग लगा दी। इस घटना में दुकान पूरी तरह जलकर राख हो गई, जिससे दुकानदार को हजारों रुपए का नुकसान हुआ है। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार, खड्डा गांव निवासी सालिकराम पटेल सड़क किनारे एक झोपड़ीनुमा दुकान में किराना सामग्री बेचकर अपना व्यवसाय चलाते थे। रविवार शाम को वे रोज की तरह दुकान का सारा सामान पेटी में बंद कर घर चले गए थे। सोमवार सुबह जब वे दुकान खोलने पहुंचे, तो दुकान पूरी तरह जली हुई मिली और अंदर रखा सारा सामान राख में बदल चुका था। पीड़ित सालिकराम पटेल ने बताया कि उन्हें संदेह है कि गांव के कुछ लोगों ने जानबूझकर उनकी दुकान में आग लगाई है। हालांकि, उनका किसी से कोई विवाद नहीं था। घटना के बाद उन्होंने ब्यौहारी थाने में शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और संदिग्धों की तलाश के साथ-साथ आगजनी के कारणों की जांच कर रही है।
लापरवाही के आरोप में एसडीएम संतोष तिवारी हटाए गए:दतिया में प्रशासनिक फेरबदल; संयुक्त कलेक्टर लोकेंद्र सरल को मिली जिम्मेदारी

दतिया में प्रशासनिक कामकाज को गति देने और लापरवाही के चलते कलेक्टर स्वप्निल वानखड़े ने दतिया अनुभाग के एसडीएम (SDM) में बड़ा बदलाव किया है। एसडीएम संतोष कुमार तिवारी को उनके दायित्वों से मुक्त करते हुए संयुक्त कलेक्टर लोकेंद्र सिंह सरल को दतिया का नया एसडीएम और दंडाधिकारी नियुक्त किया गया है। वर्तमान में यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है और इस बदलाव से जिले में राजस्व व प्रशासनिक कार्यों की रफ्तार बढ़ने की उम्मीद जताई जा रही है। जांच पेंडिंग रखने और लापरवाही पर हुई कार्रवाई विभागीय सूत्रों के मुताबिक, पूर्व एसडीएम संतोष तिवारी अपने कार्य में कथित तौर पर लापरवाही बरत रहे थे और उनकी टेबल पर कई जांच लंबे समय से पेंडिंग थीं। इसी लापरवाही को लेकर यह कार्रवाई की गई है। प्रशासन का मानना है कि इस बदलाव से प्रशासनिक कार्यों में तेजी आएगी और विभागों के बीच बेहतर तालमेल स्थापित हो सकेगा। लोकेंद्र सिंह सरल संभालेंगे दंडाधिकारी का प्रभार कलेक्टर स्वप्निल वानखड़े द्वारा जारी आदेश के अनुसार, अब दतिया अनुभाग के एसडीएम के रूप में संयुक्त कलेक्टर लोकेंद्र सिंह सरल पूरी जिम्मेदारी संभालेंगे। उन्हें एसडीएम के साथ-साथ दंडाधिकारी दतिया का प्रभार भी सौंपा गया है। प्रशासन को उम्मीद है कि नए एसडीएम की पदस्थापना से रुके हुए कार्यों को गति मिलेगी और लंबित मामलों का जल्द निपटारा हो सकेगा।
2 बाइकों की टक्कर में 1 की मौत:बैतूल-नागपुर हाईवे पर हादसा; ढाबे के पास टकराए वाहन, 3 घायल अस्पताल में भर्ती

बैतूल-नागपुर राष्ट्रीय राजमार्ग पर बानूर खापा के पास रविवार देर रात दो बाइकों की आमने-सामने की टक्कर में एक किसान की मौत हो गई, जबकि 3 अन्य लोग घायल हो गए। मृतक अपने साथी के साथ ससुंद्रा क्षेत्र से लौट रहा था और ढाबे पर खाना खाने के लिए रुका था। पुलिस ने सोमवार को जिला अस्पताल में मृतक का पोस्टमार्टम कराकर मामला दर्ज कर लिया है और सभी घायलों का अस्पताल में इलाज जारी है। ससुंद्रा क्षेत्र से लौटते समय ढाबे के पास हुआ हादसा जानकारी के अनुसार, झिरी खापा निवासी सुखराम भूरा (36) अपने साथी तुलसीदास मस्कोले के साथ ससुंद्रा क्षेत्र गए थे। लौटते समय वे बानूर खापा के पास एक ढाबे पर खाना खाने के लिए रुके थे। इसी दौरान रात में दो बाइकों की जोरदार आमने-सामने की टक्कर हो गई। इस हादसे में सुखराम भूरा गंभीर रूप से घायल हो गए। वहीं, गणेश सहित दो अन्य लोगों को भी चोटें आईं। सिर में गंभीर चोट लगने से गई जान हादसे के बाद सभी घायलों को तत्काल जिला अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने सुखराम भूरा को मृत घोषित कर दिया। अन्य घायलों का अस्पताल में उपचार जारी है। मृतक के भांजे रोशन ने बताया कि सुखराम खेती-किसानी का काम करते थे और परिवार में सबसे बड़े भाई थे। हादसे में उनके सिर में गंभीर चोट लगने से उनकी मृत्यु हो गई। घटना के बाद सोमवार को जिला अस्पताल में मृतक का पोस्टमार्टम कराया गया। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
10 मिनट के लिए रुके, 5 जिंदगियां खत्म:डिंडौरी हादसे की चश्मदीद बोली- सभी के चीथड़े उड़ गए; कपड़े में समेटने पड़े शव

मैं अगर टॉयलेट करने नहीं जाता, तो शायद जिंदा नहीं बचता…ये कहना है डिंडौरी के जिला अस्पताल में भर्ती उदय प्रताप का। वे शनिवार और रविवार की दरमियानी रात जबलपुर-अमरकंटक नेशनल हाइवे 45 पर उस हादसे में घायल हुए हैं, जिसमें कैप्सूल टैंकर ने सड़क किनारे खड़े लोगों को कुचल दिया था। इसमें पांच लोगों की मौत हो गई है। सभी मृतक आपस में रिश्तेदार हैं। इनमें पिता-पुत्र भी शामिल हैं। रविवार दोपहर को अंतिम संस्कार किया गया। दैनिक भास्कर की टीम जिला मुख्यालय से करीब 40 किलोमीटर दूर घटनास्थल पर पहुंची। जिला अस्पताल में भर्ती घायल उदय प्रताप और प्रत्यक्षदर्शी श्रीबंती से बात भी की। सड़क पर बिखरा खून और मांस के लोथड़े डिंडौरी में गाड़ा सरई से तीन किलोमीटर पहले फॉरेस्ट डिपो है। यहां लोगों की भीड़ लगी थी। सड़क पर खून और मांस के लोथड़े पड़े थे। जूते-चप्पल समेत दूसरा सामान भी था। सड़क के एक तरफ पिकअप और कैप्सूल टैंकर खड़े थे। थोड़ी ही दूर बना बस स्टॉप और बिजली पोल क्षतिग्रस्त हालत में था। ग्रामीणों ने बताया कि किकरा तालाब गांव के पास तेज रफ्तार कैप्सूल वाहन MP19 ZO 9351 ने 5 लोगों को रौंद दिया था। परसवाह गांव के रहने वाले सभी लोग सिलयारी गांव से चौक कार्यक्रम से लौट रहे थे। इसी दौरान जबलपुर-अमरकंटक नेशनल हाईवे पर उनका पिकअप वाहन MP65 ZD 1118 पंक्चर हो गया। रात करीब साढ़े 12 बजे गाड़ी को सड़क किनारे लगाकर ड्राइवर टायर बदल रहा था। पिकअप में बैठे लोग उतरकर सड़क किनारे बातचीत में लगे थे। तभी अमरकंटक की ओर से आ रहा तेज रफ्तार कैप्सूल 5 लोगों को रौंदते हुए गुजर गया। इस दौरान दो लोग करीब 10 फीट तक उछल गए। पांचों के शरीर सड़क से चिपक गए थे। पुलिस को कपड़े में समेटकर शवों को ले जाना पड़ा था। पहिया पंक्चर होने के बाद पिकअप से उतर गए लोग पिकअप वाहन में घायल उदय सिंह की बहन श्रीबंती भी सवार थीं। वे बताती हैं कि सूरजपुरा गांव के भर्रा टोला में हंसवती टेकाम के यहां पहला बेटा हुआ है। उसके चौक कार्यक्रम में शामिल होने शनिवार शाम करीब 6 बजे, 20-25 लोग पिकअप वाहन से पहुंचे थे। सभी लोग सामूहिक भोज के बाद रात करीब 11 बजे पिकअप से ही वापस लौट रहे थे। इसी दौरान गाड़ी का दाहिने साइड का पिछला पहिया पंक्चर हो गया। इसके बाद सभी लोग गाड़ी से उतरकर सड़क की दूसरी ओर बैठ गए। पिकअप ड्राइवर राजकरण वनवासी टायर बदलने लगा। किसी के पैर टूटे तो किसी का सिर कुचला श्रीबंती ने कहा- कुछ ही देर में अमरकंटक की तरफ से तेज रफ्तार टैंकर आया। सड़क किनारे खड़े लोगों को रौंदता हुआ आगे निकल गया। वह सड़क किनारे लगे बिजली के पोल और यात्री प्रतीक्षालय को तोड़ने के बाद ही रुका। चीख-पुकार मच गई। सड़क पर खून ही खून फैल गया। हमने तुरंत पुलिस को सूचना दी। एसडीओपी सतीश द्विवेदी ने बताया कि पुलिस घटना स्थल पर पहुंची तो सड़क पर शव बिखरे पड़े थे। किसी के पैर टूटे, पेट फटा तो किसी का सिर कुचला था। उन्हें पोस्टमॉर्टम के लिए भिजवाया। टैंकर और पिकअप को जेसीबी और क्रेन की मदद से अलग कराया। सड़क क्लियर करने में करीब तीन घंटे लगे। धक्का से दूर जाकर गिरा, बेहोश हो गया जिला अस्पताल में भर्ती घायल उदय प्रताप (20) पिता कन्हैया ने कहा- मैं टायर बदल रहे ड्राइवर की मदद कर रहा था। इसी दौरान मुझे पेशाब आ गया। मैं निबटने साइड में चला गया। अचानक जोरदार आवाज आई। मुझे धक्का लगा और मैं दूर जाकर गिरा। फिर बेहोश हो गया। जब लोगों ने पानी का छींटा मारा, तब जाकर होश आया। अगर टॉयलेट नहीं जाता, तो मैं भी जिंदा नहीं होता। हालांकि, गंभीर चोट नहीं आई है। पैर में दर्द जरूर है। जमीन के मुआवजे से खरीदी थी गाड़ी मृतकों में पिता पवर सिंह (50) और बेटा बिहारी (29) भी शामिल हैं। पवर सिंह पेशे से किसान था। बिहारी का छोटा भाई प्रेम सिंह ब्लॉक समन्वयक है। खेतीबाड़ी करके जीवन-यापन करते हैं। कुछ साल पहले नर्मदा में डूब में आई जमीन का मुआवजा मिला था। इन्हीं रुपयों से डेढ़ साल पहले बिहारी ने सेकंड हैंड पिकअप वाहन खरीदा था। राजकरण मरावी को ड्राइवर रख लिया था। टैंकर ड्राइवर बोला- झपकी लग गई थी पुलिस ने टैंकर के ड्राइवर रमेश पटेल निवासी मैहर को गिरफ्तार कर लिया है। रमेश का कहना है कि अल्ट्राटेक प्लांट से चार दिन पहले सीमेंट लेकर करंजिया के लिए निकला था। शुक्रवार को टैंकर खाली करके रात करीब 11 बजे खाना खाकर लौट रहा था। अचानक झपकी लगने से हादसा हो गया। मामले से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… हाईवे पर टैंकर ने 5 को कुचला, सभी की मौत डिंडौरी के गाड़ा सरई थाना इलाके के किकरा तालाब गांव के पास तेज रफ्तार कैप्सूल वाहन ने 5 लोगों को रौंद दिया। हादसे में पांचों की मौत हो गई। इनमें दो बाप-बेटे भी हैं। परसवाह गांव के रहने वाले सभी लोग सिलयारी गांव से चौक कार्यक्रम से लौट रहे थे। पढ़ें पूरी खबर…
सिवनी में दो बाइकों की आमने-सामने टक्कर:एक महिला गंभीर घायल, हाथ-पैर और सिर में आई चोट

सिवनी जिले के आदेगांव थाना क्षेत्र में रविवार रात हिनोतिया रोड पर दो बाइकों की आमने-सामने टक्कर हो गई। इस दुर्घटना में एक महिला गंभीर रूप से घायल हो गईं, जिन्हें प्राथमिक उपचार के बाद जबलपुर मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया है। जानकारी के अनुसार, यह दुर्घटना रात में हुई। एक बाइक सवार जोबा से हिनोतिया की ओर जा रहा था, जबकि दूसरा बाइक सवार हिनोतिया से लखनादौन की तरफ आ रहा था। दोनों बाइकों की आमने-सामने टक्कर हो गई। टक्कर के कारण बाइक पर सवार मीना यादव (लगभग 50 वर्ष) सड़क पर गिर गईं। उन्हें हाथ, पैर, सिर सहित शरीर के कई हिस्सों में गंभीर चोटें आईं। स्थानीय लोगों ने तुरंत मौके पर पहुंचकर घायल महिला को अस्पताल पहुंचाया। घायल जबलपुर रेफर मीना यादव को सिविल अस्पताल लखनादौन ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें प्राथमिक उपचार दिया। उनकी गंभीर हालत को देखते हुए चिकित्सकों ने उन्हें बेहतर इलाज के लिए जबलपुर मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। उनका उपचार जारी है। दुर्घटना की सूचना मिलने पर आदेगांव थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने दोनों दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को जब्त कर जांच शुरू कर दी है। थाना प्रभारी के.पी. धुर्वे ने बताया कि उन्हें सड़क हादसे की जानकारी मिली थी, जिसमें एक महिला के घायल होने की पुष्टि हुई है।
सीधी में विद्युत पोल में आग, ग्रामीणों ने बुझाई:फायर ब्रिगेड देर से पहुंची, गुलाब टावर के पास बड़ा हादसा टला

सीधी शहर के गुलाब टावर के पास रविवार देर रात करीब 12 बजे एक विद्युत पोल में भीषण आग लग गई। आग इतनी विकराल थी कि आसपास के घरों और दुकानों के लिए बड़ा खतरा पैदा हो गया। हालांकि, फायर ब्रिगेड के देर से पहुंचने के कारण स्थानीय ग्रामीणों और युवाओं ने मोर्चा संभाला और अपनी सूझबूझ से आग पर काबू पाकर एक बड़ा हादसा टाल दिया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आग इतनी तेजी से फैली कि कुछ ही मिनटों में पोल की तारें और पूरा पोल जलकर खाक हो गया। पास में स्थित तीन मंजिला गुलाब टावर, जिसमें कपड़ों का बड़ा स्टॉक रखा था, भी आग की चपेट में आने के कगार पर था। यदि समय रहते आग पर नियंत्रण नहीं पाया जाता तो लाखों का नुकसान हो सकता था। घटना की सूचना तत्काल फायर ब्रिगेड और नगर पालिका प्रशासन को दी गई थी, लेकिन काफी देर तक कोई भी टीम मौके पर नहीं पहुंची। इसके बाद स्थानीय ग्रामीणों और युवाओं ने खुद मोर्चा संभाला। बिना किसी सुरक्षा उपकरण के, एक युवक ने सीढ़ी के सहारे पोल के पास पहुंचकर अपनी जान जोखिम में डालते हुए आग बुझाने का प्रयास किया। युवक की बहादुरी और ग्रामीणों के सहयोग से आखिरकार आग पर काबू पा लिया गया। इस त्वरित कार्रवाई से एक बड़ा हादसा टल गया और गुलाब टावर सहित आसपास की संपत्ति को सुरक्षित बचा लिया गया। इस मामले पर नगर पालिका की प्रभारी सीएमओ प्रिया पाठक ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उन्हें घटना की कोई जानकारी नहीं मिली थी, संभवतः सूचना किसी अन्य अधिकारी तक पहुंची होगी। उन्होंने पूरे मामले की जांच कराने का आश्वासन दिया है। वहीं, स्थानीय निवासी रामभद्र सिंह ने प्रशासनिक लापरवाही पर गहरी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने कहा कि शहर में ऐसी घटनाएं अक्सर होती हैं, लेकिन बिजली विभाग, नगर पालिका और फायर ब्रिगेड की टीमें समय पर नहीं पहुंचतीं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि यही स्थिति बनी रही, तो भविष्य में कोई बड़ा हादसा हो सकता है।







