‘समय की ज़रूरत’: कर्नाटक कांग्रेस के पहली बार चुने गए 31 विधायकों ने खड़गे को पत्र लिखकर कैबिनेट में जगह मांगी | भारत समाचार

आखरी अपडेट:23 फ़रवरी 2026, 15:56 IST पत्र में विधायकों ने बताया कि जब 34 सदस्यीय सिद्धारमैया के नेतृत्व वाले मंत्रिमंडल का गठन हुआ था, तो पहली बार चुने गए किसी भी विधायक को मंत्री पद नहीं दिया गया था। सिद्धारमैया के साथ राहुल गांधी | फ़ाइल छवि कर्नाटक कांग्रेस के पहली बार चुने गए 31 विधायकों ने पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे को पत्र लिखकर नेतृत्व से अगले कैबिनेट फेरबदल के दौरान नए और युवा चेहरों को जगह देने का आग्रह किया है और इसे “समय की जरूरत” बताया है। पत्र, जिसे राहुल गांधी, मुख्यमंत्री सिद्धारमैया, उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार और कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल सहित वरिष्ठ नेताओं को भी संबोधित किया गया है, कैबिनेट विस्तार की चर्चा के बीच पहली बार विधायकों के लिए मंत्री पद की मांग करता है। हस्ताक्षरकर्ताओं में मांड्या विधायक रविकुमार गौड़ा गनिगा, विराजपेट विधायक एएस पोन्नन्ना और पावागड़ा विधायक एचवी वेंकटेश सहित अन्य शामिल हैं। पत्र में, विधायकों ने बताया कि जब 34 सदस्यीय सिद्धारमैया के नेतृत्व वाले मंत्रिमंडल का गठन किया गया था, तो निर्णायक जनादेश के साथ कांग्रेस के सत्ता में आने के बावजूद, पहली बार विधायक बने किसी भी व्यक्ति को मंत्री पद नहीं दिया गया था। पत्र में कहा गया है, “यह समय की मांग है कि युवा, गतिशील और सक्रिय पहली बार चुने गए विधायकों को कैबिनेट में मंत्री के रूप में सेवा करने का अवसर प्रदान किया जाए।” विधायकों ने अनुरोध किया है कि जब भी मुख्यमंत्री, कांग्रेस आलाकमान और उपमुख्यमंत्री के परामर्श से कैबिनेट में फेरबदल करें, तो कम से कम पांच पहली बार के विधायकों को जगह दी जाए। विधायकों ने आगे तर्क दिया कि नए लोगों को मंत्री पद की जिम्मेदारियां देना अभूतपूर्व नहीं है, यह देखते हुए कि देश भर में कई राज्य सरकारों का नेतृत्व पहली बार मुख्यमंत्री बने विधायकों ने किया है, जबकि कई अन्य को मंत्री के रूप में शामिल किया गया है। कर्नाटक कैबिनेट में फेरबदल कुछ समय से चल रहा है, सीएम सिद्धारमैया और डिप्टी सीएम डीके शिवकुमार पिछले चार महीनों में नई दिल्ली में वरिष्ठ कांग्रेस नेताओं के साथ अलग-अलग और समानांतर बैठकें कर रहे हैं। हालाँकि, 34 सदस्यीय मंत्रिमंडल में फेरबदल या विस्तार पर अभी कोई अंतिम निर्णय नहीं लिया गया है। चुनी हुई कहानियाँ, आपके इनबॉक्स में हमारी सर्वोत्तम पत्रकारिता वाला एक न्यूज़लेटर जमा करना जगह : कर्नाटक, भारत, भारत पहले प्रकाशित: 23 फरवरी, 2026, 15:55 IST न्यूज़ इंडिया ‘समय की जरूरत’: कर्नाटक कांग्रेस के पहली बार चुने गए 31 विधायकों ने खड़गे को पत्र लिखकर कैबिनेट में जगह मांगी अस्वीकरण: टिप्पणियाँ उपयोगकर्ताओं के विचार दर्शाती हैं, News18 के नहीं। कृपया चर्चाएँ सम्मानजनक और रचनात्मक रखें। अपमानजनक, मानहानिकारक, या अवैध टिप्पणियाँ हटा दी जाएंगी। News18 अपने विवेक से किसी भी टिप्पणी को अक्षम कर सकता है. पोस्ट करके, आप हमारी उपयोग की शर्तों और गोपनीयता नीति से सहमत होते हैं। और पढ़ें
Despite GST cuts and festivals, white goods profits fell 35%; companies are now relying on summer to boost profits.

Hindi News Business Despite GST Cuts And Festivals, White Goods Profits Fell 35%; Companies Are Now Relying On Summer To Boost Profits. मुंबई42 मिनट पहले कॉपी लिंक फ्रिज, वॉशिंग मशीन जैसे वाइट गुड्स की मांग ठंडी, वायर-केबल में उछाल। भारतीय कंपनियों के दिसंबर तिमाही के नतीजों में त्योहारी सीजन की मजबूती दिखी, लेकिन यह कुछ चुनिंदा क्षेत्रों तक ही सीमित रही। नतीजों ने यह भी संकेत दिया है कि मार्जिन के दम पर मुनाफे की ग्रोथ का दौर जल्द खत्म हो सकता है। 3,905 कंपनियों के विश्लेषण से पता चला कि तीसरी तिमाही में कुल आय सालाना आधार पर 10% बढ़ी, जो पिछली सात तिमाहियों में सबसे तेज गति है। हालांकि, मुनाफे की वृद्धि दर पांच तिमाहियों में सबसे धीमी (11%) रही। यह अंतर तब आया जब बिक्री छह तिमाहियों में सबसे तेज बढ़ी। जीएसटी दरों में कटौती, त्योहारी मांग और आयकर में पिछली रियायतों के कारण उपभोक्ताओं ने खास तौर पर गाड़ियों और टीवी-वॉशिंग मशीन जैसे कंज्यूमर ड्यूरेबल्स पर खर्च किया। लेकिन गहराई में उतरने पर नतीजे कंज्यूमर ड्यूरेबल्स सेक्टर के लिए अलग-अलग कहानियां बयां कर रहे हैं। कोटक सिक्युरिटीज की रिपोर्ट के अनुसार, जहां वायर और केबल कंपनियों ने कमोडिटी की तेजी का फायदा उठाकर जबरदस्त ग्रोथ दिखाई। वहीं एसी, वॉशिंग मशीन जैसे व्हाइट गुड्स और इलेक्ट्रिकल कंज्यूमर ड्यूरेबल्स सेगमेंट में मांग सुस्ती बनी हुई है। यह सेगमेंट कच्चे माल की महंगाई से भी जूझ रहा है। रिपोर्ट के मुताबिक, निवेशकों और विश्लेषकों के लिए अब सबसे बड़ा ‘ट्रिगर’ गर्मी का आगामी सीजन है। यदि पारा चढ़ता है और कीमतें स्थिर रहती हैं, तो वाइट गुड्स में सुधार की उम्मीद की जा सकती है। वायर-केबल- आय 37%, मुनाफा 39% बढ़ा,अब मांग पर संदेह तीसरी तिमाही में वायर एंड केबल सेगमेंट ‘शो-स्टॉपर’ रहा। इस सेगमेंट की आय में 37% और एबिटा (कामकाजी मुनाफा) में सालाना 39% बढ़ोतरी हुई। अब असली परीक्षा ये होगी कि क्या बढ़ी हुई कीमतों के बावजूद मांग बनी रहती है। ग्रोथ की वजह कॉपर और एल्युमीनियम की कीमतों में उछाल के साथ-साथ रियल एस्टेट और इंफ्रास्ट्रक्चर की बढ़ती मांग ने इसे नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया। कीमतें बढ़ने की आशंका के चलते डीलरों द्वारा की गई भारी ‘चैनल स्टॉकिंग’ (स्टोरेज) ने भी बिक्री को सहारा दिया। टॉप परफॉर्मर्स पॉलीकैब (46% वृद्धि) और आरआर केबल (42% वृद्धि) आय के मामले में सबसे आगे रहे। खास तौर पर आरआर केबल के मुनाफे में 90% से अधिक का उछाल ऑपरेटिंग लीवरेज का बेहतरीन उदाहरण है। कंज्यूमर ड्यूरेबल्स सेगमेंट- कमाई 2.5% बढ़ी, पर मुनाफा 8.2% घटा कंज्यूमर ड्यूरेबल्स कैटेगरी में आय 2.5% बढ़ी, लेकिन मुनाफे में 8.2% कमी आई। वॉटर हीटर की बिक्री बढ़ी, पर कूलर और पंखों की बिक्री कम रही। इस सेगमेंट के लिए आगामी 3-4 महीने और मौसम का मिजाज सबसे निर्णायक होगा। वाइट गुड्स – लाभ 35% तक घटा एसी, फ्रिज जैसे वाइट गुड्स सेगमेंट में जीएसटी दरें घटने के बावजूद बिक्री उम्मीद से कम बढ़ी। इस सेगमेंट का मुनाफा 35% तक घट गया है। कच्चा माल महंगा होने से कंपनियों को दाम 10% तक बढ़ाने पड़े। यह मांग प्रभावित कर सकता है। गर्मियों के सीजन पर दारोमदार कंपनियों से डीलरों को प्राइमरी बिक्री ठीक है। लेकिन सेकंडरी बिक्री (दुकान से ग्राहक को) कमजोर है। इस बीच कीमतों में 10% की नई बढ़ोतरी ग्राहकों की जेब पर भारी पड़ सकती है। लीडर्स – आय 46% तक बढ़ी ये वो कंपनियां हैं, जिन्होंने आय वृद्धि के मामले में सबसे शानदार प्रदर्शन किया है।39% बढ़ा, अब मांग पर संदेह कंपनी सालाना आय वृद्धि पॉलीकैब 46.1% आरआर केबल 42.3% फिनोलेक्स केबल्स 35.2% केईआई इंडस्ट्रीज 19.5% अपार इंडस्ट्रीज 16.2% दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔
Vijay Vs MK Stalin; TVK DMK Corruption Politics

Hindi News National Vijay Vs MK Stalin; TVK DMK Corruption Politics | Tamil Nadu Election 2026 वेल्लोर45 मिनट पहले कॉपी लिंक एक्टिंग से राजनीति में आए विजय ने सोमवार को वेल्लोर में एक पब्लिक रैली को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने CM स्टालिन पर निशाना साधते हुए कहा कि उनके असली दोस्त रिश्वत-भ्रष्टाचार हैं। TVK चीफ ने कहा कि आने वाले इलेक्शन राज्य के लोगों के लिए करप्शन के खिलाफ लड़ाई होंगे। विजय ने CM को चुनौती दी कि अगर उनमें दम है तो वे चुनाव से पहले अपनी संपत्ति का खुलासा करें। विजय के भाषण की बड़ी बातें… यह 50 साल में एक बार होने वाले इलेक्शन जैसा है। इस इलेक्शन में, सभी लोग विजय का विरोध करने के लिए एक साथ आए हैं। अगर आप मेरा अपमान करते हैं, तो यह लोगों का अपमान करने जैसा है। विजय और तमिलनाडु के लोग खून और मांस से जुड़े हुए हैं। लड़ाई TVK और DMK के बीच है। आज, एक नकली मॉडल सरकार है। तमिलनाडु में अभी एक स्टैंड-अप कॉमेडी वाली राज्य सरकार राज कर रही है। तमिलनाडु में पार्टियों का मौजूदा हाल तमिलनाडु में अगले 6 महीनों में विधानसभा चुनाव होने हैं। मुकाबला DMK के नेतृत्व वाले सेक्युलर प्रोग्रेसिव अलायंस (SPA) और ऑल इंडिया अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कड़गम के नेतृत्व वाले नेशनल डेमोक्रेटिक अलायंस के बीच होगा। SPA में कांग्रेस, DMDK जैसी पार्टियां शामिल हैं, और MMK और MDMK के साथ इसकी गठबंधन की बातचीत चल रही है। दूसरी तरफ, AIADMK के अलावा, भारतीय जनता पार्टी (BJP) NDA ब्लॉक में लीडिंग पोजीशन पर है, जिसमें पट्टाली मक्कल काची (PMK) और कई दूसरी पार्टियां अलायंस का हिस्सा हैं। विजय, जिन्होंने चुनाव से पहले अपने एक्टिंग करियर से रिटायरमेंट ले लिया था, अपनी पॉलिटिकल पार्टी TVK के साथ पॉलिटिकल फील्ड में डेब्यू कर रहे हैं। 2021 में DMK ने 159 सीटें जीतीं तमिलनाडु में कुल 234 विधानसभा सीटें है। 2021 विधानसभा चुनाव में कांग्रेस और DMK ने गठबंधन कर चुनाव लड़ा था। कांग्रेस ने 25 सीटों पर चुनाव लड़ा था और 18 पर जीत हासिल की थी। वहीं DMK ने 159 सीटें जीती थीं। इस जीत के साथ 10 साल बाद DMK की सत्ता में वापसी हुई थी और एमके स्टालिन पहली बार मुख्यमंत्री बने थे। वहीं, पिछले साल हुए लोकसभा चुनाव में भी कांग्रेस-DMK गठबंधन ने तमिलनाडु की सभी 39 सीटों पर जीत दर्ज की। इनमें से कांग्रेस ने 9 सीटें जीती थीं। —————————————– ये खबर भी पढ़ें… एक्टर विजय की रैली में समर्थक की मौत, अन्नाद्रमुक ने कहा- TVK की रैलियों में शामिल होना है तो ताबूत लेकर जाएं तमिलनाडु के सलेम में तमिलगा वेत्री कझगम (TVK) चीफ विजय की रैली में 37 साल के एक समर्थक की हीटस्ट्रोक के कारण मौत हो गई थी। पुलिस ने बताया कि महाराष्ट्र का रहने वाला सूरज TVK चीफ विजय से मिलने गया था। वह रैली के दौरान सीने में दर्द की शिकायत के बाद गिर पड़ा। पूरी खबर पढ़ें… एक्टर विजय की रैली में बंदूक लेकर पहुंचा व्यक्ति, महिलाएं बैरिकेड फांदकर घुसीं पुडुचेरी स्थित उप्पलम के एक्सपो ग्राउंड (न्यू पोर्ट) में तमिलगा वेत्री कझगम (TVK) चीफ और एक्टर विजय की रैली में तमिलनाडु के एक व्यक्ति ने बंदूक लेकर घुसने की कोशिश की, जिससे हड़कंप मच गया। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। पूरी खबर पढ़ें… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
एसिडिटी से हो जाता है बुरा हाल? डॉक्टर सेठी ने बताए नेचुरल तरीके, जल्द मिलेगा आराम, देखें वीडियो

Natural Ways to Relieve Acid Reflux: एसिडिटी की समस्या बेहद कॉमन है, लेकिन यह लोगों का बुरा हाल कर देती है. एसिड रिफ्लक्स की परेशानी में खाने के बाद या लेटने पर पेट का एसिड ऊपर उठकर खाने की नली में चला जाता है. इससे छाती में जलन, खांसी और कभी-कभी गले में खराश जैसी शिकायतें होती हैं. अगर समय पर ध्यान न दिया जाए तो यह समस्या GERD में बदल सकती है, जिससे खाने की नली की परत को नुकसान पहुंच सकता है. AIIMS और हार्वर्ड जैसे संस्थानों में ट्रेनिंग ले चुके मशहूर गैस्ट्रोएंटरोलॉजिस्ट डॉक्टर सौरभ सेठी ने अपने यूट्यूब चैनल पर एक वीडियो में एसिडिटी से राहत पाने के लिए नेचुरल उपाय बताए हैं. वीडियो में डॉक्टर ने इन उपायों को स्टेप-बाय-स्टेप दिखाया है, जिससे लोग सही तरीके से अपना सकें.
दावा- रणवीर की ‘धुरंधर 2’ में इमरान हाशमी की एंट्री:बड़े साहब के रोल को लेकर सस्पेंस, विलेन बनेंगे या कहानी में लाएंगे ट्विस्ट

बॉलीवुड की सबसे प्रतीक्षित फिल्मों में से एक ‘धुरंधर 2: द रिवेंज’ के बारे में बड़ी खबर सामने आई है। रणवीर सिंह की इस ब्लॉकबस्टर सीक्वल फिल्म में अब एक सस्पेंस कर देने वाला अपडेट आया है, जो बड़े साहब के किरदार से जुड़ा है। पिछले कुछ दिनों से सोशल मीडिया और फिल्म जगत में इस किरदार को लेकर खूब चर्चाएं चल रही थीं, लेकिन अब Letterboxd की रिपोर्ट के मुताबिक इस बार बड़े साहब की भूमिका में इमरान हाशमी के शामिल होने की बात सामने आई है। पहले यह अनुमान लगाया जा रहा था कि बड़े साहब दाऊद इब्राहिम जैसे असली गैंगस्टर या कुछ बड़े सपोर्टिंग किरदार से इंस्पायर हो सकता है। लेकिन अब सामने आए लीक कास्ट लिस्ट में इमरान हाशमी का नाम शामिल होने से फैंस के बीच उत्साह और बढ़ गया है। हालांकि, यह जानकारी अभी फिल्म के मेकर्स द्वारा आधिकारिक तौर पर पुष्टि नहीं की गई है। यानी यह कहना जल्दबाजी होगा कि इमरान हाशमी बड़े साहब का किरदार निभा रहे हैं या वे किसी अन्य रोल में होंगे। फिल्म में इमरान हाशमी की एंट्री की खबर ने सोशल मीडिया पर तेज प्रतिक्रियाएं पैदा कर दी हैं। चर्चा इस बात की हो रही है कि इमरान फिल्म में मुख्य खलनायक की भूमिका में होंगे या कहानी में कोई अलग मोड़ लेकर आएंगे। पहले भी कई अफवाहें थीं कि धुरंधर 2 में बड़े साहब दाऊद इब्राहिम या किसी और कुख्यात नाम पर आधारित हो सकता है, लेकिन अब इस कयास पर थोड़ा सस्पेंस बना हुआ है। धुरंधर 2 के निर्देशक आदित्य धर की पहली फिल्म धुरंधर ने पिछले साल बॉक्स ऑफिस पर जबरदस्त सफलता हासिल की थी। यह फिल्म भारत और विदेशों में रिकॉर्ड तोड़ कमाई करने में सफल रही और रणवीर सिंह के करियर की एक नई ऊंचाई साबित हुई। वहीं, सीक्वल की तैयारियां भी तेजी से चल रही हैं और इसके टीजर तथा प्रोमो को भी दर्शकों ने खूब सराहा है। फिल्म की रिलीज तिथि भी पहले से तय है और 19 मार्च 2026 को बड़े पर्दे पर धुरंधर 2 आने वाली है। इसी दिन यह फिल्म यश की बहुप्रतीक्षित फिल्म टॉक्सिक के साथ बॉक्स ऑफिस पर आमने-सामने आ रही है, जो खुद एक बड़ा पैन-इंडिया प्रोजेक्ट है।
भिंड में फूड सेफ्टी विभाग का अवैध डेयरी पर छापा:रिफाइंड ऑयल और ग्लूकोज मिलाकर तैयार हो रहा था मावा, सैंपल जांच के लिए भेजे

भिंड के मौ क्षेत्र में खाद्य सुरक्षा विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक अवैध डेयरी में मिलावटी मावा बनाने का भंडाफोड़ किया। जांच में सामने आया कि दूध से क्रीम निकालकर उसमें रिफाइंड पामोलिन ऑयल और ड्रायड ग्लूकोज पाउडर मिलाकर मावा तैयार किया जा रहा था। मौके से बड़ी मात्रा में मावा, दूध और मिलावटी सामग्री जब्त कर नमूने जांच के लिए भेजे गए। ग्राम तारौली में की गई छापामार कार्रवाई जानकारी के मुताबिक खाद्य सुरक्षा अधिकारी रेखा सोनी और रीना बंसल ने मौ स्थित ग्राम तारौली निवासी लल्लू सिंह परिहार की डेयरी पर छापामार कार्रवाई की। निरीक्षण के दौरान डेयरी में तीन टीन रिफाइंड पामोलिन ऑयल, 10 किलोग्राम ड्रायड ग्लूकोज पाउडर, तीन टीन घी, लगभग 50 किलोग्राम मावा और करीब एक क्विंटल दूध संग्रहित पाया गया। जांच में यह तथ्य सामने आया कि डेयरी पर दूध से क्रीम अलग कर शेष दूध में रिफाइंड पामोलिन ऑयल और ग्लूकोज पाउडर मिलाकर कृत्रिम रूप से मावा तैयार किया जा रहा था। मौके पर डेयरी संचालक के पास खाद्य लाइसेंस भी उपलब्ध नहीं मिला। नमूने जांच के लिए भेजे, डेयरी बंद खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम 2006 के तहत दूध, मावा, रिफाइंड पामोलिन ऑयल एवं ग्लूकोज पाउडर के नमूने लेकर जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए हैं। संबंधित सामग्री को जब्त कर डेयरी संचालन तत्काल प्रभाव से बंद करा दिया गया। इसी क्रम में मौ स्थित रघुराज डेयरी, ग्राम खेरियाचांद से मावा तथा सावित्री डेयरी से भी मावा के नमूने जांच के लिए लिए गए हैं। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि मिलावटखोरों के खिलाफ अभियान निरंतर जारी रहेगा और रिपोर्ट आने के बाद नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी।
मशरूम है सेहत का सुपरफूड! दिल, डायबिटीज और वजन कंट्रोल में फायदेमंद, जानें एक्सपर्ट की राय – Uttar Pradesh News

रायबरेली. आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में लोग सेहतमंद रहने के लिए अपने खानपान पर विशेष ध्यान दे रहे हैं. ऐसे में मशरूम एक ऐसा सुपरफूड बनकर उभरा है, जो स्वाद के साथ-साथ सेहत का भी ख्याल रखता है. पोषक तत्वों से भरपूर मशरूम का नियमित सेवन शरीर को कई तरह की बीमारियों से बचाने में मददगार साबित हो सकता है. रायबरेली के आयुष चिकित्सा विशेषज्ञ गौरव कुमार ने लोकल 18 से बातचीत में बताया कि मशरूम में प्रोटीन, फाइबर, विटामिन बी, विटामिन डी, आयरन, पोटैशियम और एंटीऑक्सीडेंट भरपूर मात्रा में पाए जाते हैं. खास बात यह है कि इसमें कैलोरी और फैट बहुत कम होता है, जिससे यह वजन नियंत्रित रखने वालों के लिए बेहतरीन विकल्प माना जाता है. मशरूम मेटाबॉलिज्म को बेहतर बनाता है और शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत करता है. हृदय रोगों से बचाव में कारगरगौरव कुमार के मुताबिक, मशरूम हृदय संबंधी बीमारियों से बचाव में अहम भूमिका निभाता है. इसमें मौजूद फाइबर और पोटैशियम रक्तचाप को संतुलित रखने में मदद करते हैं, जिससे दिल की बीमारियों का खतरा कम हो सकता है. इसके अलावा, मशरूम में पाए जाने वाले एंटीऑक्सीडेंट शरीर में खराब कोलेस्ट्रॉल को कम करने में सहायक होते हैं. डायबिटीज और हड्डियों के लिए फायदेमंदमशरूम डायबिटीज के मरीजों के लिए भी लाभकारी माना जाता है. इसमें कार्बोहाइड्रेट की मात्रा कम और फाइबर अधिक होता है, जिससे ब्लड शुगर लेवल नियंत्रित रखने में मदद मिलती है. साथ ही, विटामिन डी की मौजूदगी हड्डियों को मजबूत बनाती है और जोड़ों के दर्द में राहत दिलाने में सहायक हो सकती है. त्वचा और बालों के लिए भी लाभकारीमशरूम में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट त्वचा को फ्री रेडिकल्स से बचाते हैं और समय से पहले बूढ़ा होने के लक्षणों को कम करने में मदद करते हैं. इसके पोषक तत्व बालों को मजबूत और चमकदार बनाने में भी सहायक हैं. ऐसे करें सेवनविशेषज्ञों के अनुसार, मशरूम को सब्जी, सूप, सलाद या स्नैक्स के रूप में डाइट में शामिल किया जा सकता है. हालांकि, इसे हमेशा ताजा और साफ-सुथरे तरीके से पकाकर ही सेवन करना चाहिए, ताकि इसके पोषक तत्वों का पूरा लाभ मिल सके.
फिल्म ‘द केरल स्टोरी 2’ पर घमासान:कामाख्या नारायण सिंह ने अनुराग कश्यप को बताया मानसिक रूप से दुर्बल, बीफ सीन पर छिड़ी नई बहस

रिलीज से पहले ही विवादों में घिर चुकी ‘द केरल स्टोरी 2’ के निर्देशक कामाख्या नारायण सिंह ने मशहूर फिल्ममेकर अनुराग कश्यप को अपने तीखे बयान के जवाब में गंभीर आरोप लगाए हैं। यह विवाद खास तौर पर फिल्म के एक सीन को लेकर शुरू हुआ है, जिसमें ट्रेलर में दिखाया गया है कि एक मुस्लिम परिवार एक्ट्रेस को जबरदस्ती गोमांस खिला रहा है। कुछ दिनों पहले अनुराग कश्यप ने इस सीन पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा था कि कोई किसी को इस तरह गोमांस नहीं खिलाता, तो क्या खिचड़ी तक कोई जबरदस्ती नहीं खिला सकता। उन्होंने फिल्म को पूरी तरह बकवास और प्रोपगैंडा करार दिया था तथा फिल्म के उद्देश्यों पर भी सवाल उठाए थे। अब इसी टिप्पणी के जवाब में निर्देशक कामाख्या नारायण सिंह ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो पोस्ट किया है जिसमें उन्होंने अनुराग कश्यप पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि अनुराग मानसिक रूप से दुर्बल” हो गए हैं और उन्हें हर चीज से शिकायत रहती है। चाहे वह फिल्म इंडस्ट्री हो, ब्राह्मण समुदाय हो या नेटफ्लिक्स। कामाख्या ने कहा, “अनुराग कश्यप जी अब मानसिक रूप से दुर्बल हो गए हैं। इनको हर चीज से दिक्कत है।” कामाख्या ने अपने वीडियो में यह भी कहा कि समाज में कुछ निर्दोष लड़कियों को धर्म परिवर्तन कराने के लिए गोमांस खिलाया जाता है, और यह एक गंभीर अपराध है। उन्होंने अनुराग कश्यप की फिल्म ‘ द गर्ल इन येलो बूट्स’ का भी जिक्र किया और उस पर तीखी आलोचना की। उन्होंने कहा कि अनुराग ने उस फिल्म में एक पिता-बेटी के रिश्ते को अवैध तरीके से दर्शाया था, जो सभ्य समाज में सोचना भी मुश्किल है। सिंह ने कहा कि अनुराग की फिल्में पिछले कुछ समय से फ्लॉप चल रही हैं और वह चाहते हैं कि उन्हें अक्ल आए। उन्होंने यह भी कहा कि ‘द केरल स्टोरी 2’ तथ्यों पर आधारित है और ट्रेलर को दर्शकों द्वारा अच्छी प्रतिक्रिया मिल रही है। दूसरी तरफ, अनुराग कश्यप ने मीडिया से बातचीत में फिल्म को बकवास बताते हुए कहा था कि इससे विभाजन और सौहार्द को नुकसान पहुँच सकता है। यह विवाद तब और बढ़ गया जब कई फिल्म हस्तियों और राजनीतिक हस्तियों ने भी फिल्म पर अपनी प्रतिक्रियाएं दीं। फिल्म 27 फरवरी 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज होने वाली है, लेकिन इस विवाद ने पहले से ही इसके आसपास बहस का एक बड़ा विषय तैयार कर दिया है।
दिल्ली हाईकोर्ट बोला- बेरोजगार पत्नी आलसी नहीं:उसके काम को नजरअंदाज करना नाइंसाफी; गृहिणी का योगदान पति को ठीक से काम करने लायक बनाता है

दिल्ली हाईकोर्ट ने पति-पत्नी के बीच गुजारा भत्ता से जुड़े एक मामले पर कहा कि बेरोजगार पत्नी आलसी नहीं होती। घर संभालना, बच्चों की देखभाल और परिवार की मदद करना भी काम है, भले ही वह बैंक खाते में नजर न आए। ऐसे में गुजारा भत्ता तय करते समय पत्नी के योगदान को नजरअंदाज करना गलत है। जस्टिस स्वर्णा कांत शर्मा ने 16 फरवरी को दिए इस फैसले में कहा कि घरेलू काम का भी आर्थिक महत्व होता है और इसे नजरअंदाज करना नाइंसाफी है। हाईकोर्ट ने कहा कि एक गृहिणी खाली नहीं बैठती, वह ऐसा काम करती है जिससे कमाने वाला पति सही तरीके से काम कर पाता है। कोर्ट ने कहा कि भारतीय समाज में अक्सर शादी के बाद महिला से नौकरी छोड़ने की उम्मीद की जाती है, लेकिन बाद में उसी बात को लेकर पति भत्ता देने से बचते हैं। ऐसी दलील को बढ़ावा नहीं दिया जा सकता। क्या है मामला मामला 2012 में हुई शादी से जुड़ा है। पत्नी का आरोप है कि 2020 में पति ने उसे और नाबालिग बेटे को छोड़ दिया। पत्नी ने घरेलू हिंसा कानून के तहत अंतरिम मेंटेनेंस की मांग की। मजिस्ट्रेट कोर्ट ने यह कहते हुए राहत देने से इनकार कर दिया था कि पत्नी शिक्षित और सक्षम है, लेकिन उसने नौकरी नहीं की। अपीलीय अदालत ने भी कोई राहत नहीं दी। हाईकोर्ट में पति ने दलील दी कि वह बेटे की पढ़ाई का खर्च उठा रहा है और पत्नी खाली बैठकर मेंटेनेंस नहीं मांग सकती। इसपर हाईकोर्ट ने कहा कि कमाने की क्षमता और वास्तविक कमाई दो अलग बातें हैं। केवल इस आधार पर पत्नी को मेंटेनेंस से वंचित नहीं किया जा सकता कि वह कमाने में सक्षम है। पत्नी को ₹50 हजार मेंटेनेंस का आदेश हाईकोर्ट ने कहा कि जो महिलाएं काम करना चाहती हैं, उन्हें प्रोत्साहित करना चाहिए, लेकिन सिर्फ इस आधार पर भत्ता रोकना कि वह कमाने लायक है, गलत सोच है। घर संभालना, बच्चों की देखभाल करना, परिवार का साथ देना और पति के ट्रांसफर के हिसाब से खुद को ढालना, ये सब भी काम ही हैं। कोर्ट ने आगे कहा- कानून को यह देखना होगा कि जिसने सालों परिवार के लिए मेहनत की, वह आर्थिक रूप से असहाय न रह जाए। कोर्ट ने माना कि शादी या परिवार के कारण करियर छोड़ने वाली महिला बाद में उसी स्तर और सैलरी पर नौकरी शुरू नहीं कर सकती। कोर्ट ने कहा कि रिकॉर्ड में महिला की कोई कमाई साबित नहीं हुई, इसलिए उसे घरेलू हिंसा कानून के तहत 50,000 रुपये देने का आदेश दिया। कोर्ट ने यह भी कहा कि गुजारा भत्ता के मामले अक्सर बहुत ज्यादा विवादित और टकराव वाले बन जाते हैं। कोर्ट ने सुझाव दिया कि ऐसे मामलों में लंबी लड़ाई की बजाय आपसी बातचीत और सुलह का रास्ता बेहतर होता है। कोर्ट ने कहा कि मुकदमेबाजी में अक्सर पत्नी खर्च बढ़ाकर बताती है और पति अपनी कमाई कम बताता है, जिससे सुलह मुश्किल हो जाती है।
अनिल अंबानी को बैंक 'फ्रॉड' घोषित कर सकेंगे:₹40 हजार करोड़ की धोखाधड़ी मामले में बॉम्बे हाईकोर्ट का फैसला, पहले राहत दी थी

बॉम्बे हाईकोर्ट ने आज यानी 23 फरवरी को रिलायंस ग्रुप के चेयरमैन अनिल अंबानी को मिला राहत का आदेश रद्द कर दिया है। इस फैसले के बाद अब बैंक उन्हें ‘फ्रॉड’ घोषित करने की कार्यवाही फिर से शुरू कर पाएंगे। इससे पहले कोर्ट ने 40 हजार करोड़ रुपए के बैंक फ्रॉड मामले में बैंकों की इस प्रक्रिया पर रोक लगा दी थी। बैंकों ने नियमों का पालन नहीं किया जनवरी में बैंकों ने दी थी चुनौती बैंक ऑफ बड़ौदा, इंडियन ओवरसीज बैंक और IDBI बैंक ने जनवरी 2026 में सिंगल बेंच के स्टे ऑर्डर को चुनौती दी थी। बैंकों का तर्क था कि वे फॉरेंसिक ऑडिट के आधार पर कार्यवाही करना चाहते हैं। अब बैंक कानून के मुताबिक आगे की कार्यवाही कर सकेंगे। अंबानी बोले- बिना अनुमति देश नहीं छोडूंगा पिछले हफ्ते अनिल अंबानी ने कोर्ट को भरोसा दिलाया था कि वे देश छोड़कर कहीं नहीं जाएंगे और बिना अनुमति के विदेश यात्रा नहीं करेंगे। अनिल अंबानी ने ये भी कहा था कि रिलायंस ग्रुप (ADAG) की कंपनियों के खिलाफ चल रही ED और CBI की जांच में पूरा सहयोग करेंगे। सुप्रीम कोर्ट ने SIT बनाने के दिए थे निर्देश इसी महीने की शुरुआत में चीफ जस्टिस सूर्यकांत की बेंच ने मामले की जांच में हो रही देरी पर नाराजगी जताई थी। सुप्रीम कोर्ट ने जांच एजेंसियों (ED और CBI) से पूछा था कि जांच में इतना वक्त क्यों लग रहा है। इसके साथ ही कोर्ट ने ED को एक स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) गठित करने का आदेश दिया था ताकि 40,000 करोड़ के इस कथित घोटाले की जांच में तेजी लाई जा सके।









