Aadi Kailash Yatra Starts May

उत्तराखंड में आदि कैलाश यात्रा 1 मई से शुरू करने की तैयारी है। मौसम अनुकूल रहा तो प्रशासन अप्रैल के आखिरी सप्ताह से इनर लाइन परमिट जारी कर सकता है। पिछले साल यहां 30 हजार से ज्यादा श्रद्धालु पहुंचे थे, ऐसे में इस बार और बड़ी संख्या में यात्रियों के आ . आदि कैलाश पिथौरागढ़ जिले के धारचूला क्षेत्र की व्यास घाटी में स्थित है। नवंबर से मार्च तक यहां भारी बर्फबारी के कारण आवागमन बंद रहता है। सुरक्षा कारणों के चलते व्यास घाटी में छियालेख से आगे जाने के लिए इनर लाइन परमिट अनिवार्य होता है, जिसे तहसील प्रशासन जारी करता है। पिथौरागढ़ के डीएम आशीष भटगांई ने बताया, यात्रा को लेकर तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। जल्द ही आधिकारिक सूचना जारी की जाएगी। आदि कैलाश यात्रा में भारी संख्या में पहुंचते हैं श्रद्धालु। परमिट के लिए ऑनलाइन-ऑफलाइन दोनों सुविधा आदि कैलाश और ओम पर्वत की यात्रा के लिए इनर लाइन परमिट धारचूला स्थित एसडीएम कार्यालय से ऑफलाइन लिया जा सकता है। आवेदन के लिए आधार कार्ड, मेडिकल फिटनेस सर्टिफिकेट और पासपोर्ट साइज फोटो जरूरी होते हैं। यात्रा के लिए ऑनलाइन आवेदन की भी सुविधा है। पिछले पांच साल में तेजी से बढ़े श्रद्धालु आदि कैलाश और ओम पर्वत के दर्शन के लिए आने वाले पर्यटकों की संख्या पिछले कुछ वर्षों में तेजी से बढ़ी है। साल 2023 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दौरे के बाद इस धार्मिक स्थल को राष्ट्रीय और वैश्विक स्तर पर पहचान मिली। इसके बाद यहां आने वाले श्रद्धालुओं की संख्या लगातार बढ़ रही है। आदि कैलाश यात्रा के दौरान पीएम मोदी ने ध्यान लगाया था। 2023 में पीएम मोदी ने की थी आदि कैलाश यात्रा साल 2023 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उत्तराखंड दौरे के दौरान आदि कैलाश क्षेत्र का भ्रमण किया था। तब उन्होंने पिथौरागढ़ जिले में स्थित आदि कैलाश और पार्वती कुंड में पूजा-अर्चना की, साथ ही कुमाऊं के प्रसिद्ध जागेश्वर धाम में भी दर्शन किए थे। यात्रा के बाद प्रधानमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर अपने अनुभव साझा करते हुए लिखा था, यदि कोई मुझसे पूछे कि उत्तराखंड में एक जगह जरूर देखनी चाहिए तो मैं कहूंगा कि कुमाऊं क्षेत्र में पार्वती कुंड और जागेश्वर मंदिर अवश्य जाएं। यहां की प्राकृतिक सुंदरता और दिव्यता आपको मंत्रमुग्ध कर देगी। पीएम मोदी की दो साल पुरानी एक्स पोस्ट। अब 5 पॉइंट्स में आदि कैलाश के बारे में जानिए… 1. भारत में स्थित ‘छोटा कैलाश’ आदि कैलाश उत्तराखंड के पिथौरागढ़ जिले की व्यास घाटी में भारत-तिब्बत सीमा के पास स्थित है। इसे छोटा कैलाश भी कहा जाता है। धार्मिक मान्यता के अनुसार विवाह के बाद भगवान शिव माता पार्वती के साथ कैलाश जाते समय यहां कुछ समय तक रुके थे और अपने पुत्रों कार्तिकेय व गणेश के साथ यहीं निवास किया था। 2. पार्वती सरोवर, गौरी कुंड और शिव-पार्वती मंदिर आदि कैलाश पर्वत के नीचे गौरी कुंड और सामने की पहाड़ी पर पार्वती सरोवर स्थित है, जहां से पर्वत के भव्य दर्शन होते हैं। पार्वती सरोवर के किनारे शिव-पार्वती मंदिर और ध्यान स्थल बने हैं। करीब 14,500 फीट की ऊंचाई पर स्थित यह मंदिर 1971 में कुटी गांव के लोगों ने बनवाया था। 3. जोलिंगकोंग से होते हैं आदि कैलाश के दर्शन धारचूला से करीब 70 किमी दूर गुंजी (3200 मीटर) और वहां से लगभग 25 किमी आगे जोलिंगकोंग (4400 मीटर) स्थित है। यहीं से आदि कैलाश के सबसे भव्य दर्शन होते हैं। जोलिंगकोंग से करीब 2 किमी दूर पार्वती सरोवर और लगभग 2–3 किमी दूर गौरी कुंड झील स्थित है। 4. ओम पर्वत और लिपुलेख मार्ग का महत्व गुंजी से लिपुलेख पास की ओर जाते समय नाभीढांग से 6191 मीटर ऊंचे ओम पर्वत के दर्शन होते हैं, जिसके शिखर पर बर्फ से ‘ॐ’ की आकृति दिखाई देती है। इसी मार्ग से कैलाश मानसरोवर के यात्री भी लिपुलेख पास के जरिए तिब्बत की ओर जाते हैं। 5. सीमावर्ती क्षेत्र, परमिट और यात्रा मार्ग आदि कैलाश सीमावर्ती और ऊंचाई वाला क्षेत्र है, इसलिए यहां जाने के लिए इनर लाइन परमिट, मेडिकल जांच और पुलिस सत्यापन जरूरी होता है। यात्रा के लिए हल्द्वानी, काठगोदाम या टनकपुर से पिथौरागढ़ होते हुए धारचूला पहुंचना पड़ता है। टनकपुर से धारचूला करीब 240 किमी और हल्द्वानी से करीब 280 किमी दूर है, यहां से आगे स्थानीय वाहनों से यात्रा की जाती है। आदि कैलाश और कैलाश पर्वत में अंतर भी समझिए… आदि कैलाश उत्तराखंड के पिथौरागढ़ जिले की व्यास घाटी में भारत की सीमा के भीतर स्थित है, इसलिए यहां की यात्रा अपेक्षाकृत आसान मानी जाती है। इसके लिए केवल इनर लाइन परमिट, मेडिकल जांच और स्थानीय प्रशासन की अनुमति जरूरी होती है। सड़क बनने के बाद अब श्रद्धालु धारचूला, गुंजी और जोलिंगकोंग तक वाहनों से पहुंचकर पार्वती सरोवर और गौरी कुंड के साथ आदि कैलाश के दर्शन कर सकते हैं। वहीं, कैलाश पर्वत तिब्बत (चीन) में स्थित है और उसके पास पवित्र मानसरोवर झील है। वहां की यात्रा अंतरराष्ट्रीय होने के कारण पासपोर्ट-वीजा और भारत सरकार की आधिकारिक प्रक्रिया से होकर गुजरती है। यह यात्रा अधिक कठिन मानी जाती है, जिसमें ऊंचाई वाले इलाके में ट्रेकिंग और कैलाश पर्वत की परिक्रमा करनी पड़ती है। धार्मिक दृष्टि से कैलाश पर्वत को भगवान शिव का मुख्य धाम माना जाता है, जबकि आदि कैलाश को उसका प्रतीकात्मक स्वरूप या ‘छोटा कैलाश’ कहा जाता है। ——————————- ये खबर भी पढ़ें : कैलाश मानसरोवर का पुराना पैदल मार्ग हो रहा विलुप्त: यात्री विश्राम के लिए बनी धर्मशालाएं खंडहर; एक्सपर्ट बोले- धरोहर का हो संरक्षण कैलाश मानसरोवर यात्रा का 400 किलोमीटर लंबा मार्ग, जिस पर कभी भक्तों के कदमों की आहट और ‘हर-हर महादेव’ के जयकारे गूंजते थे, अब सिमटता जा रहा है। यह मार्ग कहीं सड़क निर्माण में कट गया तो कहीं जंगलों में गुम हो गया है। यात्रियों और व्यापारियों के ठहरने के लिए बनी करीब 500 धर्मशालाएं भी खंडहर में बदल रही हैं। (पढ़ें पूरी खबर)
Snowfall in J&K, Himachal, Uttarakhand; Rajasthan Heat Wave

Hindi News National Weather Alert: Snowfall In J&K, Himachal, Uttarakhand; Rajasthan Heat Wave नई दिल्ली/श्रीनगर/शिमला/भोपाल7 मिनट पहले कॉपी लिंक मार्च में लगातार मौसम में बदलाव देखने को मिल रहा है। उत्तर भारत के मैदानी राज्यों में मार्च के तीसरे हफ्ते में ही पारा 40 का आंकड़ा पार कर गया है। IMD ने गुरुवार को गुजरात, सौराष्ट्र और कच्छ में हीटवेव और लू का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। महाराष्ट्र के विदर्भ, कर्नाटक और केरल में भी हीटवेव का यलो अलर्ट है। हालांकि जम्मू-कश्मीर, उत्तराखंड, हिमाचल, असम, मेघालय, अरुणाचल, सिक्किम, नगालैंड, मणिपुर, त्रिपुरा, मिजोरम, झारखंड, ओडिशा में आंधी-बारिश का यलो अलर्ट जारी किया गया है। हिमाचल में बारिश के साथ ओले गिर सकते हैं। बुधवार को गुजरात के वल्लभ विद्यानगर, राजकोट, सुरेंद्रनगर, बरोडा, अहमदबाद, सूरत और महाराष्ट्र के अकोला में तापमान 41°C से ज्यादा रहा। देश का सबसे ज्यादा तापमान 42.4°C महाराष्ट्र के नंदुरबार में रिकॉर्ड किया गया। मौसम में सबसे ज्यादा बदला हुआ रूप उत्तर प्रदेश में दिखाई दिया, यहां बुधवार से घना कोहरा छाया है। विजिबिलिटी 30 मीटर से भी कम रही। मौसम विभाग के मुताबिक 18 साल बाद मार्च में ऐसे हालात बने हैं। मेघालय में भी कोहरे के कारण विजिबिलिटी 50 से 100 मीटर के बीच रही। IMD का कहना है कि एक नया पश्चिमी विक्षोभ 14 मार्च से एक्टिव हो रहा है। जो उत्तर-पश्चिम भारत को प्रभावित कर सकता है। मौसम की 2 तस्वीरें… जयपुर परकोटे में सड़क किनारे दुकानदारों ने छातों का सहारा लिया। बिहार के जहानाबाद में बुधवार को बादल छाए रहे। फरवरी में कम बारिश ने मार्च में गर्मी बढ़ाई मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार फरवरी में उत्तर और मध्य भारत में पश्चिमी विक्षोभ कम रहे। इस कारण बारिश कम हुई। इसका असर मार्च में दिख रहा है। बादल न होने से सूर्य की किरणें सीधे जमीन तक पहुंच रही हैं और सतह तेजी से गर्म हो रही है। पश्चिम और मध्य भारत के ऊपर एंटी-साइक्लोनिक सर्कुलेशन बना है। इसमें हवा नीचे दबती है, जिससे बादल कम बनते हैं और गर्म हवाएं बनी रहती हैं। ये हालात तापमान बढ़ाने और हीटवेव के लिए जिम्मेदार हैं। हीटवेव को ऐसे समझें… मौसम विभाग के मुताबिक, हीटवेव तब मानी जाती है, जब मैदानों में तापमान 40°C या उससे ज्यादा पहुंच जाए। अगर तापमान सामान्य से 4°C से 6°C ज्यादा हो, तो यह लू चलने की वजह बन सकता है। अलनीनो से जून में गर्मी बढ़ेगी, मानसून भी बिगड़ सकता है ला-नीना कमजोर हो रहा है। अगले 3 महीने एनसो न्यूट्रल की स्थिति रहेगी, यानी ला-नीना और अलनीनो दोनों ही एक्टिव नहीं रहेंगे। अमेरिकन मौसम एजेंसी नोआ के अनुसार, जून के शुरू में अलनीनो दस्तक दे सकता है। इसी दौरान देश में मानसून आता है। अलनीनो न सिर्फ मानसून बिगाड़ेगा, बल्कि गर्मी का दौर भी लंबा करेगा। ला-नीना में सामान्य, या फिर सामान्य से ज्यादा बारिश होती है। तापमान सामान्य से कम रहता है। अलनीनो में पारा चढ़ता है और बारिश कम होती है। अगले 2 दिन मौसम का हाल… 13 मार्च- केरल और आंध्र प्रदेश (विशेषकर तटीय क्षेत्रों) में शुष्क मौसम रहेगा, लेकिन कुछ स्थानों पर गरज के साथ हल्की बारिश की संभावना है। 14 मार्च- दिल्ली और उत्तर प्रदेश में मौसम शुष्क और गर्म मौसम रहेगा। बंगाल और नॉर्थ ईस्ट में बारिश या गरज की संभावना है। राज्यों से मौसम की खबरें उत्तर प्रदेश: पूर्वांचल में कोहरा, विजिबिलिटी 30 मीटर, 18 साल बाद मार्च में धुंध छाई प्रदेश में के मऊ, गोरखपुर, बलिया समेत पूर्वांचल में कोहरे जैसे हालात हैं। मऊ में विजिबिलिटी 30 मीटर तक सिमट गई है। मौसम विभाग के मुताबिक, प्रदेश में 18 साल बाद मार्च के महीने में धुंध की स्थिति बनी है। 2 दिन बाद यानी 15 मार्च से मौसम और बिगड़ेगा। इस दौरान कहीं-कहीं बारिश हो सकती है। तेज हवाएं चलेंगी। पढ़ें पूरी खबर… राजस्थान: मार्च में लू झुलसा रही, पारा 40 के पार, हीटवेव को लेकर गाइडलाइन जारी प्रदेश में मार्च में ही लू चलने लगी है। बुधवार को जैसलमेर, बाड़मेर और बालोतरा के इलाकों में अधिकतम तापमान 39 से 41 डिग्री तक दर्ज हुआ। तेज गर्मी को देखते हुए हेल्थ डिपार्टमेंट ने हीटवेव से बचाव के लिए गाइडलाइन जारी की है। हालांकि, गुरुवार को हीटवेव का असर नहीं रहेगा। 14 मार्च को 8 जिलों में आंधी और बारिश का यलो अलर्ट है। पढ़ें पूरी खबर… मध्य प्रदेश: रतलाम सबसे गर्म, पारा 40°C; 14-15 मार्च को बारिश का अलर्ट प्रदेश में दिन का तापमान तेजी से बढ़ रहा है। बुधवार को सीजन में पहली बार पारा 40 डिग्री पर पहुंचा। रतलाम सबसे गर्म रहा। भोपाल, इंदौर और उज्जैन में भी गर्मी ने तेवर दिखाए। मौसम विभाग ने वेस्टर्न डिस्टरबेंस (पश्चिमी विक्षोभ) की वजह से दो दिन तक अलर्ट जारी किया है। 14 और 15 मार्च को प्रदेश में बारिश-बादल वाला मौसम भी रह सकता है। पढ़ें पूरी खबर… झारखंड: सात जिलों में हो सकती है बारिश, कल से बदलेगा मौसम बांग्लादेश के ऊपर बने साइक्लोनिक सर्कुलेशन का असर झारखंड के मौसम पर भी दिखने लगा है। इसके चलते रांची समेत राज्य के कई जिलों में हल्की बारिश हुई। अगले 24 घंटों के दौरान अधिकतम तापमान में कोई बड़े बदलाव की संभावना नहीं है। इसके बाद अगले तीन दिनों में इनमें (2-3) डिग्री की बढ़ोतरी देखी जा सकती है। पढ़ें पूरी खबर… पंजाब-हरियाणा: 6 शहरों में सामान्य से 7.5°C ज्यादा तापमान, अमृतसर में बारिश प्रदेश के 6 जिलों में अधिकतम तापमान 36 डिग्री सेल्सियस से ऊपर दर्ज किया गया। यह सामान्य से 7.5°C ज्यादा है। बुधवार को हरियाणा में नारनौल सबसे गर्म रहा, जहां अधिकतम तापमान 37.5°C दर्ज किया गया। वहीं सोनीपत में सबसे कम 14.4°C दर्ज किया गया। वहीं पंजाब के अमृतसर में गुरुवार सुबह बारिश से मौसम ठंडा हो गया है। पढ़ें पूरी खबर… हिमाचल प्रदेश: 5 जिलों में आंधी-तूफान का अलर्ट; लाहौल स्पीति की ऊंची चोटियों पर रात में भी पड़ी बर्फ प्रदेश में अगले छह दिन तक हल्की बारिश और बर्फबारी के आसार है। मौसम विभाग (IMD) ने पांच जिले चंबा, कांगड़ा, कुल्लू, मंडी और शिमला में आज आंधी व तूफान का यलो अलर्ट जारी किया है। इन जिलों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। बुधवाार की
हिमाचल के ऊंचे पहाड़ों पर ताजा बर्फबारी:अगले 6 दिन बरसेंगे बादल, आज 5 जिलों में आंधी-तूफान की चेतावनी, गर्मी से मिलेगी राहत

हिमाचल प्रदेश के ट्राइबल जिला लाहौल स्पीति की ऊंची चोटियों पर आज ताजा हिमपात हो रहा है। अटल टनल रोहतांग समेत शिंकुला दर्रा, रोहतांग पास, कोकसर और लाहौल घाटी में बर्फ के फाहे गिरे। इससे ऊंचे क्षेत्रों के तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। मौसम विभाग (IMD) ने ताजा बुलेटिन में दोपहर 12 बजे तक चंबा व लाहौल स्पीति में बर्फबारी और कांगड़ा व कुल्लू में बारिश का पूर्वानुमान लगाया है। शिमला समेत प्रदेश के ज्यादातर भागों में भी आज सुबह से ही मौसम खराब बना हुआ। IMD की माने तो राज्य में अगले छह दिन तक बारिश और बर्फबारी के आसार है। आज भी पांच जिले चंबा, कांगड़ा, कुल्लू, मंडी और शिमला में आंधी व तूफान का यलो अलर्ट जारी कर रखा है। इन जिलों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से तूफान चल सकता है। 6 दिन ऊंचे पहाड़ों पर बर्फबारी, निचले इलाकों में बारिश IMD के अनुसार, अगले छह दिन के दौरान अधिक ऊंचे क्षेत्रों में बर्फबारी और निचले और मध्यम ऊंचाई वाले भागों में हल्की बारिश के आसार है। बुधवाार की रात को भी लाहौल स्पीति की अधिक ऊंची चोटियों पर हल्का हिमपात दर्ज किया गया। कल जरूर वेस्टर्न डिस्टरबेंस थोड़ा कमजोर पड़ेगा। मगर 14 मार्च को यह फिर से स्ट्रॉन्ग होकर बरसेगा। इससे विशेषकर 15 मार्च को पूरे प्रदेश में अच्छी बारिश और बर्फबारी का पूर्वानुमान है। 16 और 17 मार्च को भी अधिक ऊंचे व मध्यम ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बारिश-बर्फबारी के आसार है। बारिश-बर्फबारी के बाद गर्मी से राहत ऊंचे पहाड़ों पर बारिश-बर्फबारी के बाद प्रदेशवासियों को गर्मी से थोड़ी राहत मिली है। ऊंचे क्षेत्रों में कई जगह रात का तापमान 2 से 3 डिग्री तक नीचे लुढ़का है। आने वाले पांच-छह दिनों के दौरान तापमान में और गिरावट आएगी। बीते कल तक प्रदेश के ज्यादातर शहरों का अधिकतम तापमान सामान्य से 6 से 10 डिग्री तक अधिक चल रहा था। कल्पा का अधिकतम तापमान सामान्य से 9.9 डिग्री ज्यादा के साथ 20.5 डिग्री, शिमला का 7.7 डिग्री ज्यादा के साथ 23.5 डिग्री, सोलन का 7.2 डिग्री ज्यादा के साथ 30.0 डिग्री, धर्मशाला का 7.1 डिग्री के उछाल के साथ 29.0 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया है। बीते 24 घंटे के दौरान ऊना का तापमान सर्वाधिक 33.2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। मार्च में 100 प्रतिशत कम बारिश मौसम विभाग के अनुसार- फरवरी माह में सामान्य से 96 प्रतिशत और एक से 11 मार्च तक नॉर्मल से 100 प्रतिशत कम बारिश हुई है। इससे राज्य में सूखे जैसे हालात पनप रहे हैं। ऐसे में ताजा बारिश-बर्फबारी किसानों-बागवानों के लिए राहत लेकर आएगी। हालांकि, अभी तक अधिक ऊंचे इलाकों में ही हल्की बारिश-बर्फबारी हुई है। मगर अगले चार-पांच दिनों के दौरान पूरे प्रदेश में डेढ़ महीने से चला आ रहा ड्राइ स्पेल टूटने के आसार है।
मारवाड़ी समाज ने निकाला गणगौर माता का बिंदोरा, झाले देकर पिलाया पानी

भास्कर संवाददाता | बड़वानी शहर के अंजड़ नाका स्थित आदिनाथ जिनिंग परिसर में परशुराम मारवाड़ी समाज की महिलाओं द्वारा हर्षोल्लास के साथ गणगौर माता का बिंदोरा निकाला गया। लोक गीतों और पारंपरिक रीति-रिवाजों के बीच माता की विशेष पूजा-अर्चना की गई है। कार्यक्रम के दौरान समाज की महिलाओं ने खंभा पूजन कर माता के झाले लिए और माता को पारंपरिक रूप से पानी पिलाया। गौर-गौर गणापति, ईसर पूजे पार्वती के सुमधुर गीतों के साथ पूरा परिसर भक्तिमय हो गया। इस अवसर पर समाज की अध्यक्ष संगीता जैमन, जया शर्मा, गायत्री शर्मा, ज्योति शर्मा, दुलारी शर्मा, वंदना गौड़ और ममता शर्मा सहित समाज की अन्य महिलाएं बड़ी संख्या में उपस्थित रहीं।
Budget 2026 Phase 2 LIVE Update; No Confidence Motion | Om Biral Rahul Gandhi PM Modi

Hindi News National Budget 2026 Phase 2 LIVE Update; No Confidence Motion | Om Biral Rahul Gandhi PM Modi BJP Congress TMC नई दिल्ली29 मिनट पहले कॉपी लिंक संसद के बजट सत्र के दूसरे फेज का आज चौथा दिन है। आज भी दोनों सदनों में विपक्ष के हंगामे के आसार हैं। LPG सिलेंडर की कीमतों में बढ़ोतरी समेत विभिन्न मुद्दों को लेकर सरकार और विपक्ष आमने-सामने हैं। विपक्ष आज मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने के लिए संसद के दोनों सदनों (लोकसभा और राज्यसभा) में प्रस्ताव पेश कर सकता है। सूत्रों के अनुसार, प्रस्ताव लाने के लिए सांसदों के दस्तखत जुटा लिए हैं। बजट सत्र का दूसरा चरण सोमवार से शुरू हुआ है। तब से सदन में लगातार हंगामा देखने को मिल रहा है। लोकसभा में बुधवार को स्पीकर ओम बिरला को पद से हटाने वाला अविश्वास प्रस्ताव ध्वनिमत से खारिज हो गया। करीब 119 विपक्षी सांसदों ने आरोप लगाया था कि स्पीकर सदन चलाते समय पक्षपात कर रहे हैं और विपक्ष को बोलने का पर्याप्त मौका नहीं दिया जा रहा है। इस मुद्दे पर कल सदन में करीब 13 घंटे चर्चा चली। इस दौरान राहुल गांधी ने कहा- हम जब भी बोलने जाते हैं, हमें रोका-टोका जाता है। गृह मंत्री अमित शाह ने 56 मिनट तक राहुल के आरोपों और स्पीकर के खिलाफ प्रस्ताव पर सरकार की तरफ से जवाब दिया। शाह ने कहा- जब बोलने का मौका आता है तो राहुल गांधी जर्मनी में होते हैं, इंग्लैंड में होते हैं। सदन के दूसरे फेज के पिछले 3 दिन की कार्यवाही… शाह बोले- आंख मारने वाले स्पीकर पर सवाल उठा रहे; LPG कीमत बढ़ोतरी पर लोकसभा में हंगामा बुधवार को सदन की शुरुआत होते ही विपक्षी सदस्यों ने LPG सिलेंडर की कीमतों में बढ़ोतरी के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी और कई सदस्य वेल में पहुंच गए। विपक्ष का विरोध जारी रहने के कारण अध्यक्ष की कुर्सी पर बैठे दिलीप सैकिया ने लोकसभा की कार्यवाही दोपहर 12 बजे तक स्थगित कर दी। वहीं शाह ने राहुल पर आरोप लगाया कि राहुल सदन में PM मोदी से आकर गले लग जाते हैं। आंख मारते हैं। फ्लाइंग किस देते हैं। मुझे तो बोलने में भी शर्म आती है। ये स्पीकर के आचरण पर सवाल करते हैं। अपने आचरण पर भी तो सवाल करिए। पूरी खबर पढ़ें… 10 मार्च: गोगोई बोले- राहुल को 20 बार टोका गया; रिजिजू का जवाब- प्रियंका को नेता प्रतिपक्ष बनाते तो अच्छा होता कांग्रेस सांसद गौरव गोगोई ने लोकसभा में कहा कि 2 फरवरी को नेता विपक्ष राहुल गांधी जब बोल रहे थे, तब उन्हें बार-बार रोका गया। स्पीकर सर ने उनके तर्क पर सबूत देने का कहा। 9 फरवरी को शशि थरूर जब बोल रहे थे, तब उनका माइक बंद कर दिया गया। इस पर संसदीय कार्यमंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि प्रियंका को LoP बनाते तो कुछ अच्छा होता। देखिए प्रियंका हंस रही हैं। जो अच्छा व्यवहार करे तो उसकी सराहना करनी चाहिए। पूरी खबर पढ़ें… 9 मार्च: वेस्ट एशिया पर संकट जयशंकर बोले- हम शांति और बातचीत से समाधान के पक्ष में विदेश मंत्री ने सोमवार को पहले राज्यसभा में और फिर लोकसभा में गल्फ देशों से भारतीयों की वापसी और एनर्जी संकट को लेकर तैयारियों के बारे में बताया था। उन्होंने कहा था कि इस समय ईरान की लीडरशिप से कॉन्टैक्ट मुश्किल है, लेकिन भारत शांति और बातचीत के पक्ष में है। पूरी खबर पढ़ें… सदन की पहले फेज की कार्यवाही: राहुल की सदस्यता खत्म करने का नोटिस 12 फरवरी :भाजपा सांसद ने राहुल की सदस्यता खत्म करने का नोटिस दिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, केंद्र सरकार राहुल गांधी के खिलाफ सदन में उनकी स्पीच के खिलाफ विशेषाधिकार हनन का नोटिस लाने की तैयारी में है। इस पर प्रियंका गांधी ने कहा था कि मोदीजी ने छाती 56 इंच की नपवाई थी। उनके खिलाफ भी प्रस्ताव आना चाहिए। पूरी खबर पढ़ें… 11 फरवरी : राहुल बोले- अडाणी पर केस मोदी पर दबाव बनाने के लिए लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने बजट पर चर्चा के दौरान एपस्टीन फाइल्स और अडाणी पर अमेरिका में चल रहे केस का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि अडाणी पर चल रहा केस, दरअसल मोदी पर दबाव बनाने का तरीका है। पूरी खबर पढ़ें… 10 फरवरी : लोकसभा स्पीकर के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव का नोटिस पेश विपक्ष ने संसद की कार्यवाही के 10वें दिन लोकसभा स्पीकर ओम बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव का नोटिस पेश किया था। इसमें 118 सांसदों के हस्ताक्षर थे। न्यूज एजेंसी IANS ने सूत्रों के हवाले से दावा किया है कि ओम बिरला अब लोकसभा नहीं जाएंगे। अविश्वास प्रस्ताव के गिरने के बाद ही वह स्पीकर की चेयर संभालेंगे। पूरी खबर पढ़ें… 9 फरवरी: लोकसभा केवल 13 मिनट चली, विपक्ष की मांग राहुल गांधी को बोलने दें बजट सत्र के 9 वें दिन लोकसभा की कार्यवाही केवल 13 मिनट ही चल पाई थी। विपक्ष सदन में लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी को बोलने देने की मांग करता रहा था। राहुल गांधी ने लोकसभा में कहा था कि 1 घंटा पहले स्पीकर के पास हम गए, स्पीकर ने हमें कमिट किया कि मुझे बजट डिस्कशन से पहले बोलने दिए जाएगा, आप मुझे बोलने नहीं दे रही हैं। मैं आपसे पूछना चाहता हूं कि आप मुझे बोलने देंगी या नहीं। पूरी खबर पढ़ें… पहले फेज की कार्यवाही: राहुल PM की पाठशाला जाएं तो कामयाब होंगे 6 फरवरी: केंद्रीय मंत्री बिट्टू बोले- राहुल PM की पाठशाला जाएं तो कामयाब होंगे लोकसभा में हंगामा और नारेबाजी हुई। पहली बार 3 मिनट और दूसरी बार 7 मिनट तक ही कार्यवाही चल सकी। इसके बाद लोकसभा 9 फरवरी तक के लिए स्थगित कर दी गई। राज्यसभा को भी सोमवार तक के लिए स्थगित कर दिया गया था। पूरी खबर पढ़ें… 5 फरवरी : लोकसभा में PM की स्पीच के बिना धन्यवाद प्रस्ताव पास, राज्यसभा में 97 मिनट बोले बजट सत्र के 7वें दिन लोकसभा में राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव हंगामे के बीच पास हुआ। 2004 के बाद पहली बार यह प्रस्ताव प्रधानमंत्री के भाषण के बिना पास हुआ। प्रधानमंत्री ने राज्यसभा में धन्यवाद प्रस्ताव पर करीब 97 मिनट का भाषण दिया
G Khan Confuses Fans With Jasmin Akhtar Photo

पंजाबी सॉन्ग में सिंगिंग एक्टिंग करते जी खान और जैसमीन अख्तर। पंजाबी सिंगर जी. खान ने लेडी सिंगर जैसमीन अख्तर के साथ इंस्टाग्राम ID पर फोटो पोस्ट कर फैंस को कन्फ्यूज कर दिया है। जी खान ने 5 फोटो पोस्ट की हैं, जिनमें रेड हार्ट इमोजी बनाते हुए जैसमीन अख्तर को भी टैग किया है। इसमें जी. खान ने लिखा- 17 मार्च लॉक कर . दोनों इन फोटो में शादी के जोड़े में दिख रहे हैं। हालांकि जी खान शादी की बात कर रहे या फिर यह कोई गाने की शूटिंग है, इसको लेकर फैंस को कुछ पता नहीं चल रहा। हालांकि फैंस जी खान की ट्रोलिंग भी कर रहे हैं क्योंकि इससे पहले जी खान अपने स्टेज शो और इंटरव्यू में एक्ट्रेस सोनम बाजवा पर कमेंट करते रहते थे। फैंस खान का नाम सोनम से जोड़ते रहते थे। लुधियाना में हुए एक शो के दौरान जी खान ने कहा था कि जल्द एक खुशखबरी देंगे। इस बार काम पक्का होगा। तब फैंस ने लाइव शो के दौरान ही सोनम बाजवा के नारे लगाए थे। इन फोटोज के नीचे भी फैंस सोनम बाजवा पर कमेंट कर रहे हैं। एक फैन ने सोनम बाजवा के लिए यहां तक लिख दिया- रोईं ना जे याद जी खान दी आई वे, हालांकि जी खान को लेकर सोनम बाजवा ने कभी कुछ नहीं कहा। वह 5 PHOTOS, जो जी खान ने पोस्ट कीं… अब जानिए, जैसमीन अख्तर कौन है? जैसमीन अख्तर पंजाबी म्यूजिक इंडस्ट्री से जुड़ी एक उभरती हुई मॉडल, एक्टर और सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर हैं। पिछले कुछ समय में उनका नाम खास तौर पर पंजाबी म्यूजिक वीडियोज और फोटो शूट्स के कारण तेजी से चर्चा में आया है। कैमरा प्रेजेंस, स्टाइल और लुक्स की वजह से वह सोशल मीडिया पर तेजी से पॉपुलर हो रही हैं। ******************* ये खबरें भी पढ़ें.. पंजाबी सिंगर के शो में सोनम बाजवा के नारे:जी खान ने एक्ट्रेस के लिए गाया- दो गल्लां करिए प्यार दियां; बोले- पक्की मोहर लगा अपडेट दूंगा पंजाबी सिंगर जी खान अपने लाइव शो में अक्सर बॉलीवुड व पॉलीवुड अभिनेत्री सोमन बाजवा को लेकर टिप्पणियां करते रहते हैं। वो मंच से कई बार सोनम बाजवा के लिए गीत भी का चुके हैं। ऐसे में जब वो मंच पर आते हैं तो उनके फैंस सोनम-सोनम के नारे लगाना शुरू कर देते हैं (पढ़ें पूरी खबर) एक्ट्रेस सोनम बाजवा परफॉर्मेंस से विवादों में फंसी:शॉर्ट कॉस्टयूम और डांस मूव्स पर पंजाबियों को एतराज एक्ट्रेस सोनम बाजवा का गोवा में डांस देखकर पंजाबी भड़क गए हैं। परफॉर्मेंस के दौरान सोनम के शॉर्ट कॉस्ट्यूम पहनने पर सोशल मीडिया पर पंजाबियों ने एतराज जताया है। सोनम का वीडियो सामने आने पर यूजर ने लिखा की छोटे कपड़े पहनकर सोनम पंजाब का जुलूस निकलवा रही है। यह पंजाब का सभ्याचार नहीं है। गुस्साए यूजर ने सोनम को फेल हीरोइन तक कह दिया (पढ़ें पूरी खबर)
हरियाणवी सिंगर ने गाया- ऐसी ना थी,जैसी तनै बनाई 'टटीरी':बादशाह का नाम लेकर 'तेरे घर में बहन-बेटी ना' लिरिक्स गाए; सिमरन का न्यू सॉन्ग रिलीज

हरियाणवी लोक गीत ‘टटीरी’ को अब सिंगरों ने नए वर्जन में गाकर बॉलीवुड रैपर बादशाह को जवाब दिया है। यूट्यूब से हटाए गए बादशाह के टटीरी सॉन्ग में उनके साथ काम करने वाली सिमरन जागलान में भी इसे अब नए ढंग में पेश किया है। इस सॉन्ग में सिमरन के साथ उनके पिता कर्मबीर फौजी ने रैप की है। कर्मबीर फौजी ने रैप में कहा- जहां बीरो का शर्माना हो और मर्यादा में गाना हो, न आवै कदे उल्हाना हो, ऐसा मेरा हरियाणा हो। इसके साथ ही कैथल की रहने वाली सिंगर सुदेश ने भी टटीरी के पुराने वर्जन में लिरिक्स जोड़े हैं। उन्होंने बादशाह को संबोधित करते हुए कहा… आज्या तनै बादशाह सुनाऊं रे टरीरी, ऐसी ना थी, जैसी तनै गाई रै टटीरी। बादशाह का टटीरी सॉन्ग 1 मार्च को रिलीज हुआ था। रिलीज के बाद से ही हरियाणा के कई सामाजिक संगठनों ने इसका विरोध किया था। हरियाणा महिला आयोग ने भी बादशाह को समन भेजकर 13 मार्च को पेश होने के लिए कहा है। कर्मवीर फौजी ने बेटी सिमरन के साथ गाया ‘पानी आली पानी पिया दे’ फेम सिंगर कर्मबीर फौजी ने नए वर्जन में ‘बोली ए टटीरी’ नाम से सॉन्ग रिलीज किया है। इस गीत में उनकी बेटी सिमरन जागलान ने फीमेल वोकल दिया है। सॉन्ग की वीडियो में सिमरन बुजुर्ग महिलाओं के बीच बैठकर हरियाणवी अंदाज में गीत गाती नजर आ रही है। महिलाओं भी गीत सुनकर तालियां बजाती दिख रही है। इसमें कर्मबीर ने रैप करते हुए कहा…’जहां बीरो का शर्माना हो और मर्यादा में गाना हो, न आवै कदे उल्हाना हो, ऐसा मेरा हरियाणा हो।’ सॉन्ग के दूसरे हाफ में कर्मबीर ने एक अन्य रैप की, जिसमें लड़कियों को स्पोर्ट्स के प्रति रूचि लेते हुए दिखाया गया है। यूट्यूब पर इस सॉन्ग पर अब तक करीब एक लाख व्यूज आ चुके हैं। कैथल की सुदेश ने गाया ‘असली टटीरी’ क्यूट रोहिल्ला यूट्यूब चैनल पर 9 मार्च को असली टटीरी नाम से सॉन्ग रिलीज हुआ। इसे कैथल की रहने वाली सुदेश ने फीमेल वोकल दी है। इस गीत में सीधे तौर पर बादशाह को संबोधित करते हुए कहा गया है कि वह टटीरी गीत को गलत तरीके से पेश कर रहे हैं। सॉन्ग के लिरिक्स है- ”आज्या तनै बादशाह सुनाऊं रे टरीरी, ऐसी ना थी जैसी तनै बनाई रे टटीरी। गंदा गाकै पेश करया क्यू आई तनै काण ना, गलत बौलै धी बेटी नै, के तेर घर मै भाण ना, गाने मैं गंदगीं मचाई रे भतेरी।” अब पढ़िए असली टटीरी का हिंदी अर्थ कैथल के रहने वाले संदीप ने इस गीत को लिखा है। सॉन्ग में सुदेश कहती हैं कि वह बादशाह को असली टटीरी गीत सुनाना चाहती हैं और यह बताना चाहती हैं कि इस लोकगीत का स्वरूप वैसा नहीं था जैसा उसे रैप में पेश किया गया। गीत में यह भी कहा गया है कि गंदे शब्दों का इस्तेमाल कर लोकगीत की मर्यादा को ठेस पहुंचाई गई है। इसके अलावा गायक बादशाह को सलाह देती है कि न तो गंदे सॉन्ग गाने चाहिए और न ही अश्लील नृत्य करना चाहिए। आखिरी पंक्ति में सुदेश हाथ जोड़कर अपनी बात मानने की अपील करती हैं। यूट्यूब पर इस सॉन्ग पर अब तक करीब ढाई लाख व्यूज आ चुके हैं। अब पढ़िए क्या टटीरा सॉन्ग का विवाद हरियाणवी लोकगीत टटीरी को बादशाह ने नए रैप वर्जन में रिलीज किया था। रिलीज होने के बाद से ही उन पर अश्लील शब्दों और दृश्य दिखाने के आरोप लगे थे। इसके बाद सोशल मीडिया पर इस सॉन्ग का बॉयकाट शुरू हो गया। विरोध बढ़ने के बाद रैप वर्जन को कई प्लेटफॉर्म से हटा दिया गया, लेकिन उसी विवाद के बाद अब कई कलाकार टटीरी गीत को अपने-अपने अंदाज में गाकर रिलीज कर रहे हैं। बादशाह को पानीपत SC ऑफिस बुलाया सॉन्ग पर हुई कंट्रोवर्सी के बाद बादशाह की ओर से मांगी गई माफी से हरियाणा महिला आयोग संतुष्ट नहीं है। गाने में आपत्तिजनक शब्दों और लड़कियों के सीन दिखाने पर आयोग की अध्यक्ष रेनू भाटिया ने कहा- सिंगर को समन भेजा गया है। 13 मार्च को उन्हें पानीपत एसपी ऑफिस में बुलाया है। रेनू भाटिया ने एक प्रोग्राम में कहा था कि सिंगर को महिला आयोग के सामने पेश होना ही होगा, वरना हरियाणा में उसके गाने नहीं चलने दिए जाएंगे। इससे पहले बादशाह ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो जारी माफी मांगी थी और कहा था कि हरियाणा का बेटा समझकर माफ कर देना। —————– यह खबर भी पढ़िए… रैपर बादशाह पर FIR, गिरफ्तारी के लिए टीमें गठित: हरियाणा पुलिस बोली- लुक आउट सर्कुलर जारी होगा; सिंगर बोले- बेटा समझकर माफ कर दो बॉलीवुड सिंगर-रैपर बादशाह पर न्यू रिलीज सॉन्ग ‘टटीरी’ को लेकर हरियाणा में 3 मामले दर्ज हुए हैं। हरियाणा पुलिस ने उनकी गिरफ्तारी के लिए टीमें गठित कर दी हैं साथ ही लुक आउट सर्कुलर (LOC) करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी है। पुलिस ने यह भी कहा है कि इस गाने पर रील बनाने वालों के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी। (पूरी खबर पढ़ें)
PM Modi: 19 Cr Rural Homes Tap Water by 2028

30 मिनट पहले कॉपी लिंक जानते हैं आज के प्रमुख करेंट अफेयर्स, जो सरकारी नौकरियों की तैयारी कर रहे स्टूडेंट्स के लिए जरूरी हैं… नेशनल (NATIONAL) 1. पीएम मोदी ने केरल और तमिलनाडु में प्रोजेक्ट्स का उद्घाटन किया 11 मार्च को पीएम नरेंद्र मोदी ने केरल और तमिलनाडु का दौरा किया और लगभग 1600 करोड़ की विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। पीएम ने केरल के एर्नाकुलम में करीब 10,800 करोड़ और तमिलनाडु के तिरुचिरापल्ली में करीब 5,650 करोड़ रुपए के प्रोजेक्ट्स का उद्घाटन और शिलान्यास किया। ये प्रोजेक्ट्स एनर्जी, हाईवे, रूरल इंफ्रास्ट्रक्चर और रेलवे से जुड़े हैं। पीएम ने तमिलनाडु के नीलगिरी और इरोड जिलों में 3680 करोड़ रुपए के भारत पेट्रोलियम और सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूशन यूनिट्स का शिलन्यास किया। 8.8 लाख घरों में PNG गैस कनेक्शन और 200 से ज्यादा CNG गैस स्टेशन बनाए जाएंगे। पीएम मोदी ने प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत 89 गांवों के लिए 370 किमी की सड़क का उद्घाटन किया। केरल और तमिलनाडु राज्यों में इसी साल अप्रैल-मई में विधानसभा चुनाव होने हैं। 2. सुप्रीम कोर्ट ने देश में पहली इच्छामृत्यु को अनुमति दी 11 मार्च को सुप्रीम कोर्ट ने 31 साल के हरीश राणा को इच्छामृत्यु यानी पैसिव यूथेनेशिया की अनुमति दी। हरीश बीते 13 साल से ज्यादा वक्त से कोमा में हैं और लाइफ सपोर्ट सिस्टम पर जीवित हैं। पैसिव यूथेनेशिया का मतलब होता है कि किसी गंभीर रूप से बीमार मरीज को जिंदा रखने के लिए उसे जो बाहरी लाइफ सपोर्ट या इलाज दिया जा रहा है, उसे रोक दिया जाए या हटा लिया जाए ताकि मरीज की प्राकृतिक रूप से मृत्यु हो सके। सुप्रीम कोर्ट की जस्टिस जेबी पारदीवाला और जस्टिस केवी विश्वनाथन की बेंच ने हरीश राणा के पेरेंट्स की याचिका पर सुनवाई की। सुनवाई के बाद दिल्ली AIIMS को निर्देश दिया गया कि राणा को पैलियेटिव केयर (palliative care) में भर्ती किया जाए। SC ने ये फैसला संविधान के अनुच्छेद 21 के तहत, ‘सम्मान के साथ मरने का अधिकार’ के तहत दिया है। ये भारत का पहला मामला है, जहां सुप्रीम कोर्ट ने किसी रोगी के लिए सीधे पैसिव यूथेनेशिया की अनुमति दी है। ये फैसला खंडपीठ ने राणा के परिवार, मेडिकल बोर्ड और परिवार के सदस्यों और केंद्र के वकील के साथ लंबी चर्चा के बाद लिया है। हालांकि, भारत में सक्रिय इच्छामृत्यु या एक्टिव यूथेनेशिया अवैध है यानी किसी इंजेक्शन या दवा के जरिए मृत्यु देना अवैध है। 2011 में हाईकोर्ट में मुंबई की पूर्व नर्स अरुणा शानबाग ने इच्छामृत्यु की मांग की थी। तब कोर्ट ने शानबाग को इच्छामृत्यु देने से इनकार कर दिया था। शानबाग यौन हमले की शिकार थीं और चार दशकों से ज्यादा समय से बिस्तर पर थीं। चार साल बाद, मई 2015 में शानबाग की मृत्यु हो गई। कनाडा में मेडिकल असिस्टेंस इन डाइंग प्रोग्राम (MAiD) में इच्छामृत्यु वैध है। गंभीर बीमारी की स्थिति में पेशेंट सक्रिय इच्छामृत्यु का विकल्प चुन सकता है। सुप्रीम कोर्ट ने ये फैसला हरीश की मां निर्मला राणा और पिता अशोक राणा की इच्छामृत्यु देने की अपील पर सुनाया। 3. मदुरै एयरपोर्ट को इंटरनेशनल एयरपोर्ट का दर्जा मिला 10 मार्च को केंद्रीय मंत्रिमंडल ने तमिलनाडु में स्थित मदुरै एयरपोर्ट को इंटरनेशनल एयरपोर्ट का दर्जा दिया। केंद्रीय मंत्रिमंडल की मंजूरी और भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (AAI) के ऑफिशियल आदेश जारी करने के बाद मदुरै को इंटरनेशनल एयरपोर्ट घोषित किया गया है। इंटरनेशनल एयरपोर्ट बनने के बाद मदुरै एयरपोर्ट से कोलंबो, दुबई और अबू धाबी के लिए सीधी इंटरनेशनल फ्लाइट्स होंगी। इंटरनेशनल एयरपोर्ट के तौर पर अब मदुरै एयरपोर्ट से इंटरनेशनल पैसेंजर फ्लाइट और कार्गो प्लेन ऑपरेट होंगे। मदुरै एयरपोर्ट के डायरेक्टर पी मुथुकुमार हैं। मुथुकुमार के मुताबिक, एयरपोर्ट 1 अक्टूबर, 2024 से चौबीसों घंटे काम कर रहा है और प्रति सप्ताह 242 निर्धारित उड़ानें संभालता है। मदुरै एयरपोर्ट चेन्नई, मुंबई, दिल्ली, हैदराबाद और बेंगलुरु जैसी घरेलू एयरपोर्ट्स से जुड़ा है। मदुरै एयरपोर्ट इससे पहले तक कस्टम ड्यूटी एयरपोर्ट था, यानी मदुरै एयरपोर्ट पर विदेशी सामान की आवाजाही की सुविधा उपलब्ध थी। मदुरै एयरपोर्ट 1957 में स्थापित किया गया था। इसे नागरिक उड्डयन मंत्रालय के तहत भारतीय हवाई अड्डा प्राधिकरण (AAI) संचालित करता है। कार्गो एयरपोर्ट विशेष विमानन सुविधा है, जो माल, डॉक्युमेंट्स/ पार्सल और एक्सप्रेस पैकेजों को लाने, स्टोरेज करने के लिए डिजाइन किया गया है। 25 अगस्त 2012 को मलेशिया से दो चार्टर्ड फ्लाइट मदुरै एयरपोर्ट पहुंची थी। मदुरै एयरपोर्ट से पहली कस्टम ड्यूटी इंटरनेशनल फ्लाइट 1 जनवरी 2012 को उड़ाई गई थी। 4. केंद्र सरकार ने जल जीवन मिशन को 2028 तक बढ़ाया 10 मार्च को कैबिनेट ने जल जीवन मिशन को दिसंबर 2028 तक बढ़ाने की मंजूरी दी। जल जीवन मिशन ग्रामीण क्षेत्र यानी रूरल एरिया में हर घर जल पहुंचाने की योजना है। नई दिल्ली में पीएम मंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने जल जीवन मिशन को आगे बढ़ाने के लिए जल शक्ति मंत्रालय के प्रस्ताव को मंजूरी दी। जल जीवन मिशन के पुनर्गठन के लिए कैबिनेट ने 3.59 लाख करोड़ रुपए की कुल केंद्रीय सहायता के साथ कुल खर्च को 8.69 लाख करोड़ रुपए तक बढ़ाने को मंजूरी दी है। जल जीवन मिशन के तहत दिसंबर 2028 तक 19.36 करोड़ ग्रामीण घरों में नल जल कनेक्शन लगवाए जाएंगे। जल जीवन मिशन को 2019 में लॉन्च किया गया था। मिशन 2024 से 2028 तक के लिए एक्सटेंड हुआ है। केंद्र सरकार की रिपोर्ट के मुताबिक 2019 तक 3.23 करोड़ घरों में नल लगाए गए थे। 2026 तक देश में कुल 15.71 करोड़ घरों तक नल पहुंचाए गए हैं। स्पोर्ट्स (SPORTS) 5. काइल वॉकर ने इंटरनेशनल फुटबॉल से संन्यास लिया 10 मार्च को इंग्लैंड के फुटबॉल खिलाड़ी काइल वॉकर ने अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल से संन्यास की घोषणा की। 36 वर्षीय काइल 2021 और 2024 में यूरोपीय चैम्पियनशिप फाइनल में पहुंचने वाली टीमों का हिस्सा थे। काइल ने 96 कैप जीते और पांच प्रमुख टूर्नामेंटों का हिस्सा रहे। वॉकर ने अपने देश के लिए आखिरी बार 2025 में सेनेगल के खिलाफ एक फ्रेंडली मैच खेला था। काइल ने 2011-2025 तक इंग्लैंड की नेशनल फुटबॉल टीम के लिए खेला। वॉकर ने 2009 में वेम्बली में स्पेन के खिलाफ एक फ्रेंडली मैच से अपने करियर की शुरुआत की थी। आज का इतिहास 12
Ankur Warikoo Book ‘Make Your Great Career’ Review; Career Guidance

Hindi News Lifestyle Ankur Warikoo Book “Make Your Great Career” Review; Career Guidance | Growth Mindset 3 घंटे पहलेलेखक: गौरव तिवारी कॉपी लिंक किताब- बनाएं एक शानदार करियर (बेस्टसेलर किताब ‘बिल्ड एन एपिक करियर’ का हिंदी अनुवाद) लेखक- अंकुर वारिकू प्रकाशक- पेंगुइन मूल्य- 299 रुपए ‘बनाएं एक शानदार करियर’ मशहूर आंत्रप्रेन्योर, कंटेंट क्रिएटर और लेखक अंकुर वारिकू की लेटेस्ट बुक है। ये किताब करियर को लेकर कन्फ्यूज युवाओं के लिए एक प्रैक्टिकल गाइड है। मौजूदा समय में ट्रेडिशनल और नॉन-ट्रेडिशनल फील्ड में करियर के हजारों ऑप्शन्स हैं। ऐसे में ज्यादातर लोग कन्फ्यूजन में गलत रास्ते चुन लेते हैं। वजह ये होती है कि लोग दूसरों की सक्सेस स्टोरी कॉपी करने की कोशिश करते हैं, लेकिन अपना विजन नहीं बनाते। नतीजतन उन्हें करियर में वो खुशी और सफलता नहीं मिलती, जो वह डिजर्व करते हैं। अंकुर वारिकू ने इस किताब में अपनी जिंदगी के रियल एक्सपीरियंस शेयर किए हैं और बताया है कि अपना पैशन कैसे पहचानें। उन्होंने किताब में बताया है कि सक्सेस माइंडसेट कैसे बनाएं, अच्छी आदतें कैसे डेवलप करें और खुद को कैसे पहचानें। यह ट्रेडिशनल सेल्फ-हेल्प बुक नहीं, बल्कि एक एक्शन-ओरिएंटेड किताब है। किताब क्या कहती है? इस किताब में करियर को बोझ नहीं, बल्कि एक रोमांचक यात्रा की तरह बताया गया है। इसके मुख्य पॉइंट्स ये हैं- पैशन बनाम पर्पज (उद्देश्य)- वारिकू कहते हैं कि करियर चुनने से पहले खुद से पूछें- “कौन सा काम मुझे ऊर्जा से भर देता है?” यह किताब आपको अपना असली हुनर पहचानने में मदद करती है। ग्रोथ माइंडसेट- लेखक अपनी असफलताओं को साझा करते हुए बताते हैं कि हार से डरना नहीं, बल्कि उसे सीख की तरह इस्तेमाल करना चाहिए। अनुशासन की शक्ति- मोटिवेशन अस्थायी है, लेकिन अनुशासन स्थायी है। लेखक ने अपने अनुभव से बताया है कि कैसे छोटी-छोटी आदतें करियर को नई ऊंचाइयों पर ले जाती हैं। वर्क-लाइफ बैलेंस- ‘एपिक करियर’ का मतलब सिर्फ काम नहीं, बल्कि स्वास्थ्य, परिवार और शौक के बीच संतुलन बनाना भी है। ये किताब क्यों है इतनी खास? आजकल करियर की किताबें ज्यादातर थ्योरी से भरी होती हैं, लेकिन अंकुर का तरीका अलग है। छोटे-छोटे वाक्य, सीधी बातें, कोई भारी-भरकम शब्द नहीं। यह किताब फ्रेशर हो या एक्सपीरियंस्ड प्रोफेशनल, सबके लिए फिट बैठती है। इसमें एक खास चैप्टर है, जहां अंकुर तमाम कठिन सवालों के जवाब देते हैं। अंत में टेम्प्लेट्स, एक्शन प्लान और फ्रेमवर्क दिया गया है। इसमें बताया गया है कि- कवर लेटर कैसे लिखें? ईमेल कैसे करें? सोशल मीडिया पर नेटवर्किंग कैसे करें? नीचे दिए ग्राफिक से किताब के आठ जरूरी सबक जानिए- अब इन पॉइंट्स को थोड़ा और विस्तार से समझते हैं, क्योंकि ये सिर्फ किताब की बातें नहीं, बल्कि जिंदगी की सच्चाई हैं। पैशन और पर्पज पहचानो, करियर खुद-ब-खुद एपिक बनेगा ज्यादातर लोग करियर चुनते समय दूसरों को देखते हैं। अगर कोई IAS बनकर सेटल हो गया या किसी ने स्टार्टअप करके करोड़ों रुपए बना लिए तो उसे कॉपी करने लगते हैं। जबकि अंकुर वारिकू लिखते हैं, पहले खुद से पूछो- “मुझे कौन से काम में खुशी मिलती है?” ”ऐसा कौन सा काम है, जिसे करते हुए समय का पता नहीं चलता।” किताब में कई एक्सरसाइज हैं, जो पैशन ढूंढने में मदद करती हैं। ग्रोथ माइंडसेट बनाओ, असफलता को दोस्त बनाओ अंकुर ने अपनी जिंदगी की फेलियर स्टोरीज शेयर की हैं। कैसे उन्होंने कंपनियां बनाईं, फेल हुईं, लेकिन सीखते रहे और आगे बढ़े। किताब में बताया है कि फिक्स माइंडसेट छोड़ो, ग्रोथ माइंडसेट अपनाओ। हर फेलियर के बाद खुद से पूछो कि इससे मैंने क्या सीखा? अच्छी आदतें बनाओ, डिसिप्लिन से करियर चमकेगा मोटिवेशन आता-जाता है, लेकिन डिसिप्लिन हमेशा साथ रहता है। अंकुर बताते हैं कि वे पिछले 4 साल से लगातार हर साल एक किताब लिख रहे हैं। यह सिर्फ डिसिप्लिन की वजह से संभव हुआ है। छोटी-छोटी अच्छी आदतें बनाएं, रोज 30 मिनट पढ़ें, लिखें या नई स्किल सीखें। वर्क-लाइफ बैलेंस रखो, बर्नआउट से बचो किताब बताती है कि करियर एपिक बनाने का मतलब सिर्फ काम नहीं, बल्कि जिंदगी जीना भी है। फैमिली, हेल्थ और हॉबीज को इग्नोर मत करो। हफ्ते में एक दिन ऑफ रखो, उस दिन का पूरा समय सिर्फ खुद के लिए रखो। नेटवर्किंग और जॉब सर्च के प्रैक्टिकल टिप्स किताब में रेडीमेड टेम्प्लेट्स हैं, जैसे कि- कवर लेटर कैसे लिखें? रिज्यूमे कैसे बनाएं? लिंक्डइन पर मैसेज कैसे करें? कोल्ड ईमेलिंग की A-टू-Z गाइड दी गई है। वह कहते हैं कि हर हफ्ते 5 नए लोगों से बातचीत करो। जरूरी नहीं है कि आपको इससे कुछ हासिल ही हो, लेकिन नए कनेक्शंस बनाओ। लगातार सीखते रहो, कभी अटकोगे नहीं दुनिया बदल रही है, स्किल्स पुरानी हो रही हैं। किताब में रियल स्टोरीज का उदाहरण देकर बताया गया है कि कैसे लोग इंडस्ट्री चेंज करके सफल हुए। ऑनलाइन कोर्स करो, बुक्स पढ़ो और नई चीजें ट्राई करो। एक्शन प्लान बनाओ, सपनों को हकीकत में बदलो बुक के अंत में कुछ फ्रेमवर्क और वर्कशीट्स हैं, जो करियर प्लानिंग को आसान बनाते हैं। अपने 1 साल, 5 साल और 10 साल के गोल लिखो और छोटे स्टेप्स में अचीव करो। इसे क्यों पढ़ें? प्रैक्टिकल टूल्स: इसमें केवल सलाह नहीं, बल्कि रिज्यूमे और ईमेल के लिए रेडीमेड टेम्प्लेट्स और फ्रेमवर्क्स दिए गए हैं। करियर की स्पष्टता: यह किताब पैसा, पैशन और सही करियर चुनने के बीच के कन्फ्यूजन को पूरी तरह खत्म करती है। सरल और सीधा संवाद: जटिल शब्दों के बजाय अंकुर वारिकू ने एक दोस्त की तरह बहुत आसान भाषा में अपनी बात कही है। नेटवर्किंग स्किल्स: यह आपको बिना किसी जान-पहचान के सही लोगों से जुड़ने और अवसर पैदा करने का तरीका सिखाती है। फेलियर से लड़ने की हिम्मत: लेखक ने अपनी असफलता की कहानियों के जरिए सिखाया है कि रिजेक्शन को अपनी ग्रोथ का हिस्सा कैसे बनाएं। किताब के बारे में मेरी राय ‘बनाएं एक शानदार करियर’ उन लोगों के लिए एक ‘जीपीएस’ की तरह है, जो करियर की भीड़ में रास्ता भटक गए हैं। अंकुर वारिकू की ईमानदारी और सरल भाषा इस किताब को हर युवा की बुकशेल्फ का हिस्सा बनाने के लायक बनाती है। ……………… ये खबर भी पढ़िए बुक रिव्यू- नए पेरेंट्स के लिए एक जरूरी किताब: नए नन्हे मेहमान को कैसे पालें, पेरेंटिंग से जुड़े हर जरूरी सवाल
जरूरत की खबर- आंखों की रोशनी कैसे बढ़ाएं:रेगुलर करें ये 8 आई एक्सरसाइज, डाइट में शामिल करें ये हेल्दी चीजें, न करें 8 गलतियां

मौजूदा वक्त में मोबाइल, लैपटॉप और टीवी हमारी जिंदगी का अहम हिस्सा हैं। ये चीजें जिंदगी में इस कदर हावी हो गई हैं कि हम अपनी नींद भी पूरी नहीं कर पाते हैं। इसका सीधा असर आंखों पर पड़ता है। नतीजतन आंखों की रोशनी कम हो रही है। उम्र के साथ नजर कमजोर होना कॉमन है, लेकिन बच्चों और युवाओं में ये समस्या चिंता का विषय है। ऐसे में सवाल उठता है कि क्या आंखों की रोशनी फिर से बढ़ सकती है। क्या इसका कोई नेचुरल तरीका हो सकता है। इसलिए आज ‘जरूरत की खबर’ में ‘विजन हेल्थ’ की बात करेंगे। साथ ही जानेंगे कि- एक्सपर्ट: डॉ. दिग्विजय सिंह, कंसल्टेंट, ऑप्थेल्मोलॉजी, धर्मशिला नारायणा सुपरस्पेशिलिटी हॉस्पिटल, दिल्ली सवाल- उम्र के साथ स्वाभाविक ढंग से आंखों की रोशनी कम होती है। लेकिन क्या उम्र के अलावा खराब लाइफस्टाइल और आदतों से भी आंखों की रोशनी कमजोर हो सकती है? जवाब- एजिंग के अलावा खराब लाइफस्टाइल भी आंखों की रोशनी को प्रभावित करती है। जैसेकि– इन सभी खराब आदतों के कारण नजरें कमजोर हो सकती हैं, ग्राफिक में देखिए- सवाल- क्या आंखों की रोशनी बढ़ाई भी जा सकती है? जवाब- आंखों की रोशनी पूरी तरह बढ़ाना संभव नहीं है, लेकिन इसे बेहतर किया जा सकता है। हेल्दी और संतुलित डाइट आंखों को सपोर्ट करती है। साथ सही लाइफस्टाइल से आंखों की रोशनी को लंबे समय तक हेल्दी रखा जा सकता है। सवाल- आंखों की रोशनी बढ़ाने के लिए क्या करना चाहिए? जवाब- इसके लिए हेल्दी लाइफस्टाइल अपनाना सबसे जरूरी है, जैसेकि- सवाल- आंखों की रोशनी बढ़ाने के लिए कौन-सी एक्सरसाइज करनी चाहिए? जवाब- आंखों की एक्सरसाइज करने से आई-मसल्स रिलैक्स होती हैं और तनाव कम होता है। हालांकि, एक्सरसाइज से आंखों की रोशनी पूरी तरह नहीं लौटती, लेकिन आई स्ट्रेन और थकान जरूर कम होती है। सभी एक्सरसाइज ग्राफिक में देखिए- सवाल- आंखों की रोशनी बढ़ाने के लिए हमारी डाइट कैसी होनी चाहिए? जवाब- आई हेल्थ के लिए विटामिन A, C, E, जिंक और ओमेगा-3 फैटी एसिड बेहद महत्वपूर्ण हैं। डिटेल पॉइंटर्स से समझें- डिटेल फूड चार्ट ग्राफिक में देखिए- सवाल- किन विटामिन्स की कमी से आंखों की रोशनी कमजोर होती है? उन विटामिन्स को फूड में कैसे शामिल करें? जवाब- इसके लिए कई विटामिन जरूरी होते हैं- सवाल- क्या आंखों की रोशनी बढ़ाने के लिए सप्लीमेंट्स लेना सही है? जवाब- अगर डाइट संतुलित है, तो आमतौर पर सप्लीमेंट्स की जरूरत नहीं होती है। कुछ मामलों में डॉक्टर विटामिन और मिनरल्स के लिए सप्लीमेंट लेने की सलाह दे सकते हैं। लेकिन याद रखें– सवाल- आंखों को हेल्दी रखने के लिए फूड के अलावा लाइफस्टाइल में और कौन से बदलाव करने चाहिए? क्या गलतियां नहीं करनी चाहिए? जवाब- इसके लिए लाइफस्टाइल में ये जरूरी बदलाव करें- ग्राफिक में देखिए, किस तरह की गलतियां नहीं करनी चाहिए- आंखों की रोशनी से जुड़े कुछ कॉमन सवाल-जवाब सवाल- किन बीमारियों के कारण आई-साइट कमजोर हो सकती है? जवाब- डायबिटीज और हाई ब्लड प्रेशर से आंखों की नर्व्स और रेटिना को नुकसान हो सकता है। इन बीमारियों में समय पर इलाज और नियमित आई-चेकअप न हो तो नजर कमजोर हो सकती है। सवाल- क्या चश्मा लगाने से आंखें ज्यादा कमजोर होती हैं? जवाब- चश्मा लगाने से आंखें कमजोर नहीं होतीं, बल्कि साफ देखने में मदद मिलती है। गलत नंबर का चश्मा या जरूरत होने पर भी चश्मा न पहनने से आंखों पर ज्यादा जोर पड़ता है। इससे आंखें कमजोर हो सकती हैं। सवाल- क्या कॉन्टेक्ट लेंस लगाने से नजर कमजोर हो सकती है? जवाब- आमतौर पर कॉन्टेक्ट लेंस चश्मे की तरह साफ देखने में मदद करते हैं। लेकिन अगर लेंस साफ न रखा जाए तो आंखों में इन्फेक्शन और जलन का कारण बन सकता है। सवाल- क्या जेनेटिक कारणों से नजर कमजोर हो सकती है? जवाब- ग्लूकोमा या मैक्युलर डिजेनरेशन जैसी समस्याएं जेनेटिक हो सकती हैं। इसलिए अगर परिवार में किसी को ऐसी समस्या है, तो नियमित आई-चेकअप जरूरी है। ……………… ये खबर भी पढ़िए जरूरत की खबर- क्या है ‘EAT लैंसेट’ डाइट: किडनी डिजीज का रिस्क कम करने में मददगार, 9 हेल्थ बेनिफिट्स, जानें किन्हें नहीं खाना चाहिए कैनेडियन मेडिकल एसोसिएशन जर्नल में पब्लिश एक स्टडी के मुताबिक, ये डाइट क्रॉनिक किडनी डिजीज के रिस्क को काफी हद तक कम कर सकती है। भारत में हार्ट डिजीज के बाद क्रॉनिक किडनी डिजीज दूसरी सबसे बड़ी बीमारी बन चुकी है। हेल्थ जर्नल ‘द लैंसेट’ में पब्लिश एक ग्लोबल स्टडी के मुताबिक, साल 2023 में भारत में करीब 13.8 करोड़ लोग क्रॉनिक किडनी डिजीज से पीड़ित थे। आगे पढ़िए…








