युद्धों से सबक-भारत नॉन कॉन्टैक्ट वॉरफेयर की तैयारी कर रहा:6th जेनरेशन फाइटर जेट्स पर भी काम; संसद में पेश हुई रक्षा समिति की रिपोर्ट

ईरान जंग के बीच भारत अब ‘नॉन-कंटैक्ट वारफेयर’ यानी बिना आमने-सामने आए लड़ी जाने वाली जंग के लिए खुद को तैयार कर रहा है। सरकार अपनी सैन्य शक्ति को भविष्य की जरूरतों के मुताबिक ढालने के लिए सबसे बेहतर रक्षा तकनीकों पर तेजी से काम कर रही है। भारत ने न केवल 5th जेनरेशन(AMCA), बल्कि अब आधिकारिक तौर पर 6th जेनरेशन के फाइटर जेट्स के डिजाइन पर भी काम शुरू कर दिया है। साथ ही स्वदेशी एस-400 (LRSAM) जैसी लंबी दूरी की मिसाइल सिक्योरिटी सिस्टम, ड्रोन को तबाह करने वाले ‘अनंत शस्त्र’ (QRSAM) पर भी युद्धस्तर पर काम शुरू हो चुका है। संसद में पेश की गई रक्षा समिति की रिपोर्ट्स में इसका खुलासा हुआ है। भारत फाइटर जेट्स के लिए शक्तिशाली स्वदेशी इंजन, नौसेना के लिए अभेद सुरक्षा कवच और AI व साइबर डिफेंस जैसे प्रोजेक्ट्स डेवलप कर रहा है। इसके अलावा अस्त्र, नाग और ध्रुवास्त्र जैसी मिसाइलों के मार्क-II वेरिएंट पर काम हो रहा है। उड़ते हुए कमांड सेंटर की तरह काम कर सकेगा ‘सिक्स्थ जेन’ विमान देश का रक्षा दृष्टिकोण अब ‘नॉन-कॉन्टैक्ट वॉरफेयर’ की चुनौतियों को देखते हुए आक्रामक और रक्षात्मक प्रौद्योगिकियों के बीच एक सटीक संतुलन बनाने पर केंद्रित है। भारत ने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के दौरान अपनी क्षमताओं को साबित किया था। अब 5th जेनरेशन के विमानों और 6th जेनरेशन की सोच (जैसे हाइपरसोनिक स्पीड और सी4आईएसआर सिस्टम) के साथ भविष्य के युद्धक्षेत्र के लिए पूरी तरह तैयार है। ये खूबियां होंगी… हाइपरसोनिक गति: सिक्स्थ जेन प्लेन में ध्वनि की गति से 5 गुना तक तेज उड़ने की क्षमता हो सकती है अडैप्टिव शेप: विमान के विंग्स जरूरत के हिसाब से हवा में ही बनावट बदलने में सक्षम होंगे फ्लाइंग सी4आईएसआर: यह एक उड़ते हुए ‘कमांड सेंटर’ की तरह काम कर सकेगा डुअल मोड इंजन: इसमें एक उन्नत इंजन होगा जो न केवल विमान को शक्ति देगा बल्कि एडवांस इलेक्ट्रॉनिक सिस्टम को ठंडा रखने और बिजली देने में मदद करेगा। डिफेंस इन्वेस्टेमेंट के लिए 2 लाख करोड़ से ज्यादा आवंटित देश को मॉडर्न वॉरफेयर में सक्षम बनाने के लिए सरकार ने इसके लिए भारी-भरकम बजट का प्रावधान किया है। रिपोर्ट के अनुसार, वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए डिफेंस इन्वेस्टमेंट में खर्च के लिए में 2,19,306.47 करोड़ रुपए आवंटित किए गए हैं। यह पिछले वर्ष के बजट अनुमान से 21.84% अधिक है। इसका बड़ा हिस्सा केवल सशस्त्र बलों के मॉडर्नाइजेशन और नए हथियारों की खरीद के लिए सुरक्षित रखा गया है। ये टारगेट्स प्राइयॉरिटी पर… रक्षा बजट में 10 साल में सबसे बड़ा इजाफा, फाइटर जेट्स और इंजनों के लिए 64 हजार करोड़ 1 फरवरी को पेश हुए बजट पर ऑपरेशन सिंदूर का साफ असर दिखा। वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने रक्षा बजट में पिछले 10 सालों का सबसे बड़ा इजाफा किया है। उन्होंने तीनों सेनाओं के लिए कुल 7.84 लाख करोड़ रुपए दिए हैं। यह 2025-26 के मुकाबले करीब 1 लाख करोड़ रुपए ज्यादा है। यानी कुल 15% की बढ़ोतरी हुई है। 22 अप्रैल 2025 को पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत ने पाकिस्तान के खिलाफ ऑपरेशन सिंदूर शुरू किया था। सरकार के मुताबिक 6 मई से शुरू हुआ यह ऑपरेशन आज भी चल रहा है। माना जा रहा है कि इसी के चलते डिफेंस बजट में बढोतरी की गई है। सेना को मिलने वाले बजट में मुख्य रूप से 4 पार्ट होते हैं : 1. कैपिटल एक्सपेंडिचर यानी हथियार खरीद के बजट में 22% की बढ़त इस बार तीनों सेनाओं के लिए कैपिटल एक्सपेंडिचर 2.19 लाख करोड़ रुपए मिले हैं, जो पिछले साल से 21.84% ज्यादा है। पिछले साल यह 1.80 लाख करोड़ रुपए था। इस बजट के ज्यादातर हिस्से का इस्तेमाल हथियार खरीद और मॉडर्नाइजेशन पर होता है। 2. रेवेन्यू खर्च यानी सैलरी भी बढ़ सकती है इसमें सेना के वेतन, भत्ते और दैनिक संचालन का खर्च शामिल है। इसमें लगातार वृद्धि हुई है। 3.रिटायर्ड सैनिकों के लिए पेंशन बजट डिफेंस पेंशन का बजट एक बड़ा हिस्सा है, जो पूर्व सैनिकों के लिए है, जिसमें लगातार बढ़ोतरी दर्ज की गई है। 4. सिविल डिफेंस बजट में मामूली कटौती इसमें रक्षा मंत्रालय के नागरिक प्रशासनिक खर्च और कोस्ट गार्ड के खर्चे शामिल होते हैं, जिनमें समय-समय पर मामूली बदलाव होते रहते हैं। डिफेंस बजट पर ऑपरेशन सिंदूर का असर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा, ‘ऑपरेशन सिंदूर के बाद यह बजट देश की सुरक्षा जरूरतों को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। इससे सेना की तैयारियां और ज्यादा मजबूत होंगी।’ 114 राफेल की डील, नए एयरक्राफ्ट और इंजन पर खर्च रक्षा बजट में सबसे ज्यादा ध्यान लड़ाकू विमान और एयरो इंजन पर दिया गया है। इसके लिए 63,733 करोड़ रुपए रखे गए हैं। वहीं, नेवी बेड़े के लिए 25,024 करोड़ रुपए दिए हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, भारत-फ्रांस के बीच 114 राफेल जेट की डील होने वाली है। रिसर्च और डेवलपमेंट के लिए 17 हजार करोड़ रुपए रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता बढ़ाने के लिए रिसर्च और डेवलपमेंट पर भी खर्च बढ़ाया गया है। इसके लिए 17,250 करोड़ रुपए का बजट रखा गया है। इस रकम से नई तकनीक, स्वदेशी हथियार और आधुनिक सिस्टम विकसित किए जाएंगे। सरकार चाहती है कि भारत सिर्फ हथियार खरीदे नहीं, बल्कि बनाए भी। कस्टम ड्यूटी हटाने से डिफेंस इंडस्ट्री को फायदा वित्त मंत्री ने बजट में विमान और रक्षा उपकरण बनाने में इस्तेमाल होने वाले इम्पोर्टेड कच्चे माल पर कस्टम ड्यूटी हटा दी है। इससे फैसले से देश की डिफेंस और एयरोस्पेस इंडस्ट्री को सीधा फायदा मिलेगा। उत्पादन सस्ता होगा और निजी कंपनियों का निवेश बढ़ेगा। डिफेंस बजट में भारत, चीन से पीछे लेकिन पाकिस्तान से आगे पिछले साल चीन का रक्षा बजट करीब 247 बिलियन डॉलर यानी 22.6 लाख करोड़ रुपए रहा। अनुमान है कि इस साल 2026 में ये 300 बिलियन डॉलर यानी 27 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा हो सकता है। वहीं पाकिस्तान ने भी रक्षा बजट में तेज बढ़ोतरी की है। पिछले साल उसने ऑपरेशन सिंदूर के बाद 81 हजार करोड़ का डिफेंस बजट पेश किया, जो 2024 से 20% ज्यादा था। हालांकि, 2025 में रक्षा बजट में बढ़ोतरी के लिए पाकिस्तान को अपने कुल बजट में 7% की कटौती करनी पड़ी थी। जबकि भारत ने कुल बजट को पिछले साल से लगभग 8% बढ़ाते हुए
India Defence Budget Report: 6th Gen Fighter Jets

नई दिल्ली15 घंटे पहले कॉपी लिंक ईरान जंग के बीच भारत अब ‘नॉन-कंटैक्ट वारफेयर’ यानी बिना आमने-सामने आए लड़ी जाने वाली जंग के लिए खुद को तैयार कर रहा है। सरकार अपनी सैन्य शक्ति को भविष्य की जरूरतों के मुताबिक ढालने के लिए सबसे बेहतर रक्षा तकनीकों पर तेजी से काम कर रही है। भारत ने न केवल 5th जेनरेशन(AMCA), बल्कि अब आधिकारिक तौर पर 6th जेनरेशन के फाइटर जेट्स के डिजाइन पर भी काम शुरू कर दिया है। साथ ही स्वदेशी एस-400 (LRSAM) जैसी लंबी दूरी की मिसाइल सिक्योरिटी सिस्टम, ड्रोन को तबाह करने वाले ‘अनंत शस्त्र’ (QRSAM) पर भी युद्धस्तर पर काम शुरू हो चुका है। संसद में पेश की गई रक्षा समिति की रिपोर्ट्स में इसका खुलासा हुआ है। भारत फाइटर जेट्स के लिए शक्तिशाली स्वदेशी इंजन, नौसेना के लिए अभेद सुरक्षा कवच और AI व साइबर डिफेंस जैसे प्रोजेक्ट्स डेवलप कर रहा है। इसके अलावा अस्त्र, नाग और ध्रुवास्त्र जैसी मिसाइलों के मार्क-II वेरिएंट पर काम हो रहा है। उड़ते हुए कमांड सेंटर की तरह काम कर सकेगा ‘6th जेन’ विमान देश का रक्षा दृष्टिकोण अब ‘नॉन-कॉन्टैक्ट वॉरफेयर’ की चुनौतियों को देखते हुए आक्रामक और रक्षात्मक प्रौद्योगिकियों के बीच एक सटीक संतुलन बनाने पर केंद्रित है। भारत ने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के दौरान अपनी क्षमताओं को साबित किया था। अब 5th जेनरेशन के विमानों और 6th जेनरेशन की सोच (जैसे हाइपरसोनिक स्पीड और सी4आईएसआर सिस्टम) के साथ भविष्य के युद्धक्षेत्र के लिए पूरी तरह तैयार है। डिफेंस इन्वेस्टेमेंट के लिए 2 लाख करोड़ से ज्यादा आवंटित देश को मॉडर्न वॉरफेयर में सक्षम बनाने के लिए सरकार ने इसके लिए भारी-भरकम बजट का प्रावधान किया है। रिपोर्ट के अनुसार, वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए डिफेंस इन्वेस्टमेंट में खर्च के लिए में 2,19,306.47 करोड़ रुपए आवंटित किए गए हैं। यह पिछले वर्ष के बजट अनुमान से 21.84% अधिक है। इसका बड़ा हिस्सा केवल सशस्त्र बलों के मॉडर्नाइजेशन और नए हथियारों की खरीद के लिए सुरक्षित रखा गया है। ये टारगेट्स प्राइयॉरिटी पर… AI-साइबर डिफेंस: डीआरडीओ के बजट का बड़ा हिस्सा एआई हथियारों, साइबर सुरक्षा को बेहतर बनाने, दुश्मन के ऐसे ही हमलों को रोकने की तकनीक पर खर्च होगा। नौसेना का सुरक्षा कवच: समुद्र में दुश्मनों के हमलों को नाकाम करने के लिए ‘एडवांस्ड टॉरपीडो डिफेंस सिस्टम’ व ‘एंटी-ड्रोन सिस्टम’ तैयार किया जा रहा है। ‘इलेक्ट्रॉनिक वारफेयर’ सिस्टम पर भी जोर। अनंत शस्त्र: यह एक ‘क्विक रिएक्शन सरफेस-टू-एयर मिसाइल’ सिस्टम है। यह विशेष रूप से दुश्मन के कई ड्रोन्स और कम ऊंचाई पर उड़ने वाले खतरों को पलक झपकते ही नष्ट करने के लिए तैयार की गई है। स्वदेशी S-400: रूस की S-400 की तर्ज पर भारत खुद का ‘लॉन्ग रेंज सरफेस-टू-एयर मिसाइल’ सिस्टम विकसित कर रहा है। यह लंबी दूरी तक दुश्मन के विमानों और मिसाइलों को मार गिराने में सक्षम होगा। इसका उद्देश्य देश को दुश्मन की बैलिस्टिक मिसाइलों और लड़ाकू विमानों से सुरक्षित करना है। 5th जेनरेशन के विमान: स्वदेशी 5th जेनरेशन के विमान ‘एएमसीए’ (एडवांस्ड मीडियम कॉम्बैट एयरक्राफ्ट) का डिजाइन तैयार हो चुका है। संसदीय रिपोर्ट के अनुसार, अब यह ड्राइंग बोर्ड से निकलकर विकास के चरण में है। वर्तमान में इसके निर्माण की जिम्मेदारी तय करने पर विचार चल रहा है। रक्षा बजट में 10 साल में सबसे बड़ा इजाफा, फाइटर जेट्स और इंजनों के लिए 64 हजार करोड़ 1 फरवरी को पेश हुए बजट पर ऑपरेशन सिंदूर का साफ असर दिखा। वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने रक्षा बजट में पिछले 10 सालों का सबसे बड़ा इजाफा किया है। उन्होंने तीनों सेनाओं के लिए कुल 7.84 लाख करोड़ रुपए दिए हैं। यह 2025-26 के मुकाबले करीब 1 लाख करोड़ रुपए ज्यादा है। यानी कुल 15% की बढ़ोतरी हुई है। 22 अप्रैल 2025 को पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत ने पाकिस्तान के खिलाफ ऑपरेशन सिंदूर शुरू किया था। सरकार के मुताबिक 6 मई से शुरू हुआ यह ऑपरेशन आज भी चल रहा है। माना जा रहा है कि इसी के चलते डिफेंस बजट में बढोतरी की गई है। ———— रक्षा से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… 5वीं पीढ़ी के स्वदेशी लड़ाकू विमान के मॉडल को मंजूरी:बनाने में निजी कंपनियां मदद करेंगी भारत में बनने वाले 5वीं पीढ़ी के लड़ाकू विमान यानी एडवांस्ड मीडियम कॉम्बैट एयरक्राफ्ट (AMCA) के प्रोडक्शन मॉडल को मंजूरी मिल गई है। केंद्र सरकार ने पिछले साल 27 मई को यह जानकारी दी थी। रक्षा मंत्रालय ने बताया था कि एयरक्राफ्ट को बनाने के लिए सरकारी के साथ निजी कंपनियों को भी बोली लगाने का मौका दिया जाएगा। पूरी खबर पढ़ें… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
Gautam Singhania Maldives Boat Accident

नई दिल्ली13 मिनट पहले कॉपी लिंक कल की बड़ी खबर पेट्रोल से जुड़ी रही। सरकारी तेल कंपनियों ने आज यानी 20 मार्च को स्पीड और पावर जैसे प्रीमियम पेट्रोल की कीमतें ₹2.09-₹2.35 प्रति लीटर तक बढ़ा दी है। वहीं रेमंड ग्रुप के मैनेजिंग डायरेक्टर गौतम सिंघानिया मालदीव में स्पीडबोट पलटने से घायल हो गए हैं। उन्हें इलाज के लिए एयरलिफ्ट कर मुंबई लाया गया है, जहां वे फिलहाल डॉक्टरों की देखरेख में हैं। कल की बड़ी खबर से पहले आज की ये सुर्खियां… शेयर बाजार आज शनिवार की छुट्टी के चलते बंद रहेगा। पेट्रोल-डीजल के दाम में कोई बदलाव नहीं हुआ है। अब कल की बड़ी खबरें पढ़ें… 1. प्रीमियम पेट्रोल ₹2.35 प्रति लीटर तक महंगा:भोपाल में दाम 117 रुपए प्रति लीटर तक हुए, इंडस्ट्रियल फ्यूल की कीमत 25% बढ़ी सरकारी तेल कंपनियों ने आज यानी 20 मार्च को स्पीड और पावर जैसे प्रीमियम पेट्रोल की कीमतें ₹2.09-₹2.35 प्रति लीटर तक बढ़ा दी है। भोपाल में इसकी कीमत बढ़कर करीब 117 रुपए पहुंच गई है। सामान्य पेट्रोल की कीमत में बदलाव नहीं हुआ है। भारत पेट्रोलियम यानी BPCL प्रीमियम पेट्रोल को स्पीड नाम से बेचता है। वहीं हिंदुस्तान पेट्रोलियम यानी HPCL इसे पावर और इंडियन ऑइल यानी IOCL XP95 के नाम से इसे बेचता है। ये सामान्य पेट्रोल के मुकाबले करीब 10-12 रुपए महंगा होता है। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 2. रेमंड के मालिक गौतम सिंघानिया की मालदीव में बोट पलटी: इलाज के लिए मुंबई एयरलिफ्ट किए गए; हादसे में 2 भारतीय लापता रेमंड ग्रुप के मैनेजिंग डायरेक्टर गौतम सिंघानिया मालदीव में स्पीडबोट पलटने से घायल हो गए हैं। उन्हें इलाज के लिए एयरलिफ्ट कर मुंबई लाया गया है, जहां वे फिलहाल डॉक्टरों की देखरेख में हैं। उनके प्रवक्ता ने कहा कि सिंघानिया को मामूली चोटें आई हैं और उनकी हालत स्थिर है। उनके साथ बोट पर सवार भारत के दिग्गज रैली ड्राइवर हरि सिंह और उनके एक अन्य दोस्त अब भी लापता हैं। स्थानीय प्रशासन को अंदेशा है कि लंबा समय बीत जाने के कारण उनकी जान जा सकती है। यह घटना गुरुवार रात करीब 11 बजे मालदीव के फेलिधू एटोल के पास हुई। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 3. जोमैटो से खाना मंगवाना महंगा हुआ: प्लेटफॉर्म फीस 19% बढ़ाई, हर ऑर्डर पर ₹12.50 के बजाय अब ₹14.90 देने होंगे फूड डिलीवरी प्लेटफॉर्म जोमैटो से खाना ऑर्डर करना अब महंगा हो गया है। कंपनी ने आज 20 मार्च से ऑर्डर पर प्लेटफॉर्म फीस में 19% बढ़ोतरी की है। यूजर्स को हर ऑर्डर पर ₹12.50 के बजाय अब ₹14.90 यानी ₹2.40 ज्यादा प्लेटफॉर्म फीस देनी होगी। प्लेटफॉर्म फीस हर एक फूड ऑर्डर पर लागू होने वाला ऐडिशनल चार्ज हैं। ये GST, रेस्तरां चार्ज और डिलीवरी फीस से अलग है। जोमैटो रोजाना 20 से 25 लाख ऑर्डर डिलीवर करता है। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 4. रुपया 93.24 के रिकॉर्ड लो पर पहुंचा: कच्चे तेल की कीमतों में उछाल का असर; विदेशी सामान महंगा होगा, लेकिन एक्सपोर्टर्स को फायदा भारतीय रुपया आज यानी 20 मार्च को अमेरिकी डॉलर के मुकाबले इतिहास के सबसे निचले स्तर 93.24 पर पहुंच गया। तेल के बढ़ते इम्पोर्ट बिल और विदेशी निवेशकों द्वारा भारतीय बाजार से लगातार पैसा निकालने के कारण रुपए में यह गिरावट आई है। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 5. अनिल अंबानी से दूसरे-दिन CBI-हेडक्वार्टर में 6 घंटे पूछताछ: SBI से ₹2,929 करोड़ की धोखाधड़ी का मामला; पहले दिन 8 घंटे तक सवाल-जवाब हुए थे रिलायंस कम्युनिकेशंस लिमिटेड यानी RCOM से जुड़े 2,929 करोड़ रुपए की बैंक धोखाधड़ी मामले में अनिल अंबानी शुक्रवार (20 मार्च) को दूसरे दिन की पूछताछ के लिए दिल्ली स्थित CBI मुख्यालय पहुंचे। जांच अधिकारियों ने उनसे आज करीब 6 घंटे तक सवाल-जवाब किए। वे सुबह 10 बजे CBI मुख्यालय पहुंचे और वहां से शाम को 5.15 बजे निकले। इससे पहले गुरुवार को भी उनसे करीब 8 घंटे तक पूछताछ की थी। यह पूरी कार्रवाई SBI की शिकायत पर दर्ज की गई FIR के आधार पर की जा रही है। CBI ने यह आपराधिक मामला रिलायंस कम्युनिकेशंस लिमिटेड, अनिल अंबानी और कुछ अज्ञात लोक सेवकों के खिलाफ दर्ज किया है। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… कल दुनिया के टॉप-10 सबसे अमीर कौन रहे यह भी देख लीजिए… शुक्रवार के सोना-चांदी का हाल जान लीजिए… पेट्रोल-डीजल और घरेलू गैस सिलेंडर की लेटेस्ट कीमत जान लीजिए… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔
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नई दिल्ली3 घंटे पहले कॉपी लिंक कल की बड़ी खबर पेट्रोल से जुड़ी रही। सरकारी तेल कंपनियों ने आज यानी 20 मार्च को स्पीड और पावर जैसे प्रीमियम पेट्रोल की कीमतें ₹2.09-₹2.35 प्रति लीटर तक बढ़ा दी है। वहीं रेमंड ग्रुप के मैनेजिंग डायरेक्टर गौतम सिंघानिया मालदीव में स्पीडबोट पलटने से घायल हो गए हैं। उन्हें इलाज के लिए एयरलिफ्ट कर मुंबई लाया गया है, जहां वे फिलहाल डॉक्टरों की देखरेख में हैं। कल की बड़ी खबर से पहले आज की ये सुर्खियां… शेयर बाजार आज शनिवार की छुट्टी के चलते बंद रहेगा। पेट्रोल-डीजल के दाम में कोई बदलाव नहीं हुआ है। अब कल की बड़ी खबरें पढ़ें… 1. प्रीमियम पेट्रोल ₹2.35 प्रति लीटर तक महंगा:भोपाल में दाम 117 रुपए प्रति लीटर तक हुए, इंडस्ट्रियल फ्यूल की कीमत 25% बढ़ी सरकारी तेल कंपनियों ने आज यानी 20 मार्च को स्पीड और पावर जैसे प्रीमियम पेट्रोल की कीमतें ₹2.09-₹2.35 प्रति लीटर तक बढ़ा दी है। भोपाल में इसकी कीमत बढ़कर करीब 117 रुपए पहुंच गई है। सामान्य पेट्रोल की कीमत में बदलाव नहीं हुआ है। भारत पेट्रोलियम यानी BPCL प्रीमियम पेट्रोल को स्पीड नाम से बेचता है। वहीं हिंदुस्तान पेट्रोलियम यानी HPCL इसे पावर और इंडियन ऑइल यानी IOCL XP95 के नाम से इसे बेचता है। ये सामान्य पेट्रोल के मुकाबले करीब 10-12 रुपए महंगा होता है। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 2. रेमंड के मालिक गौतम सिंघानिया की मालदीव में बोट पलटी: इलाज के लिए मुंबई एयरलिफ्ट किए गए; हादसे में 2 भारतीय लापता रेमंड ग्रुप के मैनेजिंग डायरेक्टर गौतम सिंघानिया मालदीव में स्पीडबोट पलटने से घायल हो गए हैं। उन्हें इलाज के लिए एयरलिफ्ट कर मुंबई लाया गया है, जहां वे फिलहाल डॉक्टरों की देखरेख में हैं। उनके प्रवक्ता ने कहा कि सिंघानिया को मामूली चोटें आई हैं और उनकी हालत स्थिर है। उनके साथ बोट पर सवार भारत के दिग्गज रैली ड्राइवर हरि सिंह और उनके एक अन्य दोस्त अब भी लापता हैं। स्थानीय प्रशासन को अंदेशा है कि लंबा समय बीत जाने के कारण उनकी जान जा सकती है। यह घटना गुरुवार रात करीब 11 बजे मालदीव के फेलिधू एटोल के पास हुई। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 3. जोमैटो से खाना मंगवाना महंगा हुआ: प्लेटफॉर्म फीस 19% बढ़ाई, हर ऑर्डर पर ₹12.50 के बजाय अब ₹14.90 देने होंगे फूड डिलीवरी प्लेटफॉर्म जोमैटो से खाना ऑर्डर करना अब महंगा हो गया है। कंपनी ने आज 20 मार्च से ऑर्डर पर प्लेटफॉर्म फीस में 19% बढ़ोतरी की है। यूजर्स को हर ऑर्डर पर ₹12.50 के बजाय अब ₹14.90 यानी ₹2.40 ज्यादा प्लेटफॉर्म फीस देनी होगी। प्लेटफॉर्म फीस हर एक फूड ऑर्डर पर लागू होने वाला ऐडिशनल चार्ज हैं। ये GST, रेस्तरां चार्ज और डिलीवरी फीस से अलग है। जोमैटो रोजाना 20 से 25 लाख ऑर्डर डिलीवर करता है। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 4. रुपया 93.24 के रिकॉर्ड लो पर पहुंचा: कच्चे तेल की कीमतों में उछाल का असर; विदेशी सामान महंगा होगा, लेकिन एक्सपोर्टर्स को फायदा भारतीय रुपया आज यानी 20 मार्च को अमेरिकी डॉलर के मुकाबले इतिहास के सबसे निचले स्तर 93.24 पर पहुंच गया। तेल के बढ़ते इम्पोर्ट बिल और विदेशी निवेशकों द्वारा भारतीय बाजार से लगातार पैसा निकालने के कारण रुपए में यह गिरावट आई है। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 5. अनिल अंबानी से दूसरे-दिन CBI-हेडक्वार्टर में 6 घंटे पूछताछ: SBI से ₹2,929 करोड़ की धोखाधड़ी का मामला; पहले दिन 8 घंटे तक सवाल-जवाब हुए थे रिलायंस कम्युनिकेशंस लिमिटेड यानी RCOM से जुड़े 2,929 करोड़ रुपए की बैंक धोखाधड़ी मामले में अनिल अंबानी शुक्रवार (20 मार्च) को दूसरे दिन की पूछताछ के लिए दिल्ली स्थित CBI मुख्यालय पहुंचे। जांच अधिकारियों ने उनसे आज करीब 6 घंटे तक सवाल-जवाब किए। वे सुबह 10 बजे CBI मुख्यालय पहुंचे और वहां से शाम को 5.15 बजे निकले। इससे पहले गुरुवार को भी उनसे करीब 8 घंटे तक पूछताछ की थी। यह पूरी कार्रवाई SBI की शिकायत पर दर्ज की गई FIR के आधार पर की जा रही है। CBI ने यह आपराधिक मामला रिलायंस कम्युनिकेशंस लिमिटेड, अनिल अंबानी और कुछ अज्ञात लोक सेवकों के खिलाफ दर्ज किया है। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… कल दुनिया के टॉप-10 सबसे अमीर कौन रहे यह भी देख लीजिए… शुक्रवार के सोना-चांदी का हाल जान लीजिए… पेट्रोल-डीजल और घरेलू गैस सिलेंडर की लेटेस्ट कीमत जान लीजिए… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔
सीटों पर एक्सट्रा-चार्ज ना लगाने पर विमान कंपनियों का विरोध:कहा-हमें हवाई किराया बढ़ाने पर मजबूर होना पड़ेगा; मंत्रालय से फैसला वापस लेने को कहा

भारत की बड़ी विमान कंपनियां इंडिगो, एअर इंडिया और स्पाइस जेट ने 60 % सीटों पर एक्सट्रा चार्ज ना वसूलने का सरकार के फैसले विरोध किया है। एयरलाइंस का कहना है कि इस कदम से उन्हें अपनी खोई हुई कमाई की भरपाई के लिए हवाई किराया बढ़ाने पर मजबूर होना पड़ेगा। तीनों एयरलाइंस का प्रतिनिधित्व करने वाली फेडरेशन ऑफ इंडियन एयरलाइंस (FIA) ने सिविल एविएशन मिनिस्ट्री से इस फैसले को वापस लेने का आग्रह किया है। फेडरेशन ने कहा… इस निर्देश का एयरलाइंस पर वित्तीय प्रभाव काफी अधिक होगा। इसके परिणामस्वरूप, सभी यात्रियों को, जिनमें वे लोग भी शामिल हैं जो शायद पहले से सीटें नहीं चुनना चाहते, उन्हें भी अधिक किराया देना पड़ेगा। दरअसल, मिनिस्ट्री ने बुधवार को भारत में हवाई यात्रा को ज्यादा सुविधाजनक बनाने के लिए नए नियम जारी किए थे। नए आदेश के मुताबिक एयरलाइंस की हर फ्लाइट में कम से कम 60% सीटें बिना किसी एक्स्ट्रा चार्ज के बुक होंगी। ये निर्देश घरेलू फ्लाइट्स पर लागू होंगे। FIA ने और क्या कहा… अभी 20% सीटें ही बिना चार्ज बुक होती हैं मौजूदा नियमों में पैसेंजर्स के लिए 20% सीटें ही बिना एक्स्ट्रा चार्ज दिए बुक की जा सकती हैं, जबकि बाकी सीटों के लिए भुगतान करना पड़ता है। ये कदम इसलिए उठाए गए हैं क्योंकि एयरलाइंस सीट चुनने समेत कई सर्विसेस के लिए बहुता ज्यादा शुल्क वसूल रही हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक अभी एयरलाइंस पंसद की सीटें चुनने पर 500 से 3000 रुपए तक एक्स्ट्रा चार्ज करती हैं। इसके अलावा एक ही PNR (बुकिंग रेफरेंस) पर यात्रा करने वाले यात्रियों को एक साथ बिठाया जाएगा या उन्हें आस-पास की सीटें दी जाएंगी। एडिशनल चार्जेस को सवाल-जवाब में समझिए सवाल: क्या अब सीट चुनने के लिए ज्यादा पैसे देने होंगे? जवाब: नहीं, अब फ्लाइट की कम से कम 60% सीटें फ्री होंगी, यानी आपको हर बार सीट के लिए अतिरिक्त पैसे नहीं देने पड़ेंगे। सवाल: क्या परिवार या साथ यात्रा करने वाले लोग अलग-अलग बैठेंगे? जवाब: नहीं, अगर आपकी बुकिंग एक ही PNR पर है, तो आपको साथ या पास-पास सीट दी जाएगी। सवाल: क्या खेल का सामान या म्यूजिकल इंस्ट्रूमेंट ले जाना आसान होगा? जवाब: हां, अब इसके लिए स्पष्ट और आसान नियम बनाए जाएंगे, जिससे आपको पहले से पता रहेगा क्या करना है। सवाल: क्या पालतू जानवर (pet) साथ ले जा सकते हैं? जवाब: हां, लेकिन नियम के साथ। एयरलाइंस को इसके लिए साफ पॉलिसी बतानी होगी, ताकि कोई कन्फ्यूजन न रहे। सवाल: अगर फ्लाइट लेट या कैंसिल हो जाए तो क्या मिलेगा? जवाब: आपको अधिकार मिलेंगे, जैसे- रिफंड, दूसरी फ्लाइट या वेटिंग रूम, जो नियम में तय है। सवाल: मुझे अपने अधिकार कैसे पता चलेंगे? जवाब: अब आसानी से एयरलाइंस को वेबसाइट, एप और एयरपोर्ट पर स्पष्ट जानकारी दिखानी होगी। ‘प्रेफर्ड सीट’ के नाम पर एक्स्ट्रा चार्ज नहीं ले सकेंगी एयरलाइंस अक्सर देखा जाता है कि टिकट बुकिंग के बाद जब यात्री वेब चेक-इन करते हैं, तो उन्हें फ्री सीट के नाम पर केवल 20% ऑप्शन ही मिलते थे। बाकी सीटों के लिए कंपनियां ‘प्रेफर्ड सीट’ के नाम पर भारी वसूली करती थीं। DGCA के नए आदेश के मुताबिक, अब हर फ्लाइट में 60% सीटें ऐसी होनी चाहिए, जिन्हें यात्री बिना किसी एक्स्ट्रा चार्ज के चुन सकें। ————– ये खबर भी पढ़ें… एयर टिकट बुकिंग 48 घंटे में कैंसिल की तो फुल-रिफंड:फ्लाइट से 7 दिन पहले बुकिंग जरूरी, DGCA के नए नियम; जानें बदलाव नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) ने 26 फरवरी को हवाई यात्रा के टिकट रिफंड और कैंसिल करने से जुड़े नियमों में बदलाव किया है। नए नियमों के मुताबिक, अब टिकट बुक करने के 48 घंटे के भीतर कैंसिल या बदलाव करने पर एक्स्ट्रा चार्ज नहीं लगेगा, यानी टिकट का पूरा अमाउंट रिफंड किया जाएगा। पूरी खबर पढ़ें…
सीटों पर एक्सट्रा-चार्ज न लगाने पर विमान कंपनियों का विरोध:कहा-हमें हवाई किराया बढ़ाने पर मजबूर होना पड़ेगा; मंत्रालय से फैसला वापस लेने को कहा

भारत की बड़ी विमान कंपनियां इंडिगो, एअर इंडिया और स्पाइस जेट ने 60 % सीटों पर एक्सट्रा चार्ज ना वसूलने का सरकार के फैसले विरोध किया है। एयरलाइंस का कहना है कि इस कदम से उन्हें अपनी खोई हुई कमाई की भरपाई के लिए हवाई किराया बढ़ाने पर मजबूर होना पड़ेगा। तीनों एयरलाइंस का प्रतिनिधित्व करने वाली फेडरेशन ऑफ इंडियन एयरलाइंस (FIA) ने सिविल एविएशन मिनिस्ट्री से इस फैसले को वापस लेने का आग्रह किया है। फेडरेशन ने कहा… इस निर्देश का एयरलाइंस पर वित्तीय प्रभाव काफी अधिक होगा। इसके परिणामस्वरूप, सभी यात्रियों को, जिनमें वे लोग भी शामिल हैं जो शायद पहले से सीटें नहीं चुनना चाहते, उन्हें भी अधिक किराया देना पड़ेगा। दरअसल, मिनिस्ट्री ने बुधवार को भारत में हवाई यात्रा को ज्यादा सुविधाजनक बनाने के लिए नए नियम जारी किए थे। नए आदेश के मुताबिक एयरलाइंस की हर फ्लाइट में कम से कम 60% सीटें बिना किसी एक्स्ट्रा चार्ज के बुक होंगी। ये निर्देश घरेलू फ्लाइट्स पर लागू होंगे। FIA ने और क्या कहा… अभी 20% सीटें ही बिना चार्ज बुक होती हैं मौजूदा नियमों में पैसेंजर्स के लिए 20% सीटें ही बिना एक्स्ट्रा चार्ज दिए बुक की जा सकती हैं, जबकि बाकी सीटों के लिए भुगतान करना पड़ता है। ये कदम इसलिए उठाए गए हैं क्योंकि एयरलाइंस सीट चुनने समेत कई सर्विसेस के लिए बहुता ज्यादा शुल्क वसूल रही हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक अभी एयरलाइंस पंसद की सीटें चुनने पर 500 से 3000 रुपए तक एक्स्ट्रा चार्ज करती हैं। इसके अलावा एक ही PNR (बुकिंग रेफरेंस) पर यात्रा करने वाले यात्रियों को एक साथ बिठाया जाएगा या उन्हें आस-पास की सीटें दी जाएंगी। एडिशनल चार्जेस को सवाल-जवाब में समझिए सवाल: क्या अब सीट चुनने के लिए ज्यादा पैसे देने होंगे? जवाब: नहीं, अब फ्लाइट की कम से कम 60% सीटें फ्री होंगी, यानी आपको हर बार सीट के लिए अतिरिक्त पैसे नहीं देने पड़ेंगे। सवाल: क्या परिवार या साथ यात्रा करने वाले लोग अलग-अलग बैठेंगे? जवाब: नहीं, अगर आपकी बुकिंग एक ही PNR पर है, तो आपको साथ या पास-पास सीट दी जाएगी। सवाल: क्या खेल का सामान या म्यूजिकल इंस्ट्रूमेंट ले जाना आसान होगा? जवाब: हां, अब इसके लिए स्पष्ट और आसान नियम बनाए जाएंगे, जिससे आपको पहले से पता रहेगा क्या करना है। सवाल: क्या पालतू जानवर (pet) साथ ले जा सकते हैं? जवाब: हां, लेकिन नियम के साथ। एयरलाइंस को इसके लिए साफ पॉलिसी बतानी होगी, ताकि कोई कन्फ्यूजन न रहे। सवाल: अगर फ्लाइट लेट या कैंसिल हो जाए तो क्या मिलेगा? जवाब: आपको अधिकार मिलेंगे, जैसे- रिफंड, दूसरी फ्लाइट या वेटिंग रूम, जो नियम में तय है। सवाल: मुझे अपने अधिकार कैसे पता चलेंगे? जवाब: अब आसानी से एयरलाइंस को वेबसाइट, एप और एयरपोर्ट पर स्पष्ट जानकारी दिखानी होगी। ‘प्रेफर्ड सीट’ के नाम पर एक्स्ट्रा चार्ज नहीं ले सकेंगी एयरलाइंस अक्सर देखा जाता है कि टिकट बुकिंग के बाद जब यात्री वेब चेक-इन करते हैं, तो उन्हें फ्री सीट के नाम पर केवल 20% ऑप्शन ही मिलते थे। बाकी सीटों के लिए कंपनियां ‘प्रेफर्ड सीट’ के नाम पर भारी वसूली करती थीं। DGCA के नए आदेश के मुताबिक, अब हर फ्लाइट में 60% सीटें ऐसी होनी चाहिए, जिन्हें यात्री बिना किसी एक्स्ट्रा चार्ज के चुन सकें। ————– ये खबर भी पढ़ें… एयर टिकट बुकिंग 48 घंटे में कैंसिल की तो फुल-रिफंड:फ्लाइट से 7 दिन पहले बुकिंग जरूरी, DGCA के नए नियम; जानें बदलाव नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) ने 26 फरवरी को हवाई यात्रा के टिकट रिफंड और कैंसिल करने से जुड़े नियमों में बदलाव किया है। नए नियमों के मुताबिक, अब टिकट बुक करने के 48 घंटे के भीतर कैंसिल या बदलाव करने पर एक्स्ट्रा चार्ज नहीं लगेगा, यानी टिकट का पूरा अमाउंट रिफंड किया जाएगा। पूरी खबर पढ़ें…
ग्वालियर में प्लास्टिक के लालच में फैक्ट्री में घुसा नाबालिग:सिक्योरिटी इंचार्ज ने बंधक बनाकर पीटा, कुर्सी से बांध दिया, रात को पुलिस पहुंची तो छोड़ा

ग्वालियर में यूनीपेच फैक्ट्री की बाउंड्री वॉल फांदकर एक नाबालिग प्लास्टिक चोरी कर बेचने के लालच में अंदर दाखिल हो गया। पर उसके बाउंड्री के अंदर पहुंचते ही सिक्योरिटी में तैनात जवानों ने उसे पकड़ लिया। सिक्योरिटी इंचार्ज ने आए दिन हो रही चोरी का इल्जाम उस पर लगाकर उसको एक कमरे में ले जाकर पीटा गया। इतना ही नहीं उसे एक कुर्सी से बांध दिया गया। घटना दोपहर बाद 4 बजे के लगभग यूनीपेच फैक्ट्री भिंड रोड गोला का मंदिर की है। रात को जब अंदर से मारपीट की आवाज बाहर आई तो कुछ लोगों ने मामले की सूचना आसपास के सामाजिक कार्य करने वालों को दी। सूचना मिलते ही DIAL 112 व गोला का मंदिर थाना पुलिस भी पहुंची। हंगामा बढ़ गया तो फैक्ट्री के मैनेजर समेत अन्य लोग वहां पहुंचे और उसके बाद नाबालिग को बाहर निकाला है। शुक्रवार रात 11.30 बजे तक मामले में एफआईआर के लिए नाबालिग के परिजन से बातचीत चल रही थी। मध्यप्रदेश के मुरैना निवासी एक 16 वर्षीय किशोर यहां ग्वालियर के हजीरा में अपनी बहन के यहां रहता है। नाबालिग कबाड़ा का काम करता है। वह लोहा, प्लास्टिक एकत्रित कर बेचता है। शुक्रवार को नाबालिग शहर के गोला का मंदिर भिंड रोड स्थित यूनपेच फैक्ट्री की बाउंड्री वॉल से अंदर कूद गया। अंदर काफी मात्रा में प्लास्टिक का सामान पड़ा हुआ था। नाबालिग को लगा कि वह यहां से काफी मात्रा में प्लास्टिक चोरी कर ले जा सकता है और बाहर उसकी अच्छी कीमत मिल जाएगी। जैसे ही नाबालिग बाउंड्री वॉल से अंदर पहुंचा तो फैक्ट्री में सिक्योरिटी कर रहे गार्ड्स की नजर उस पर पड़ गई। नजर पड़ते ही गार्ड्स ने उसे पकड़ लिया और एक कमरे में ले गए। कुर्सी से बांधकर पीटा, रात तक बंधक बनाकर रखा इसके बाद सिक्योरिटी गार्ड नाबालिग को लेकर अंदर कमरे में पहुंचे और मारपीट कर उसे कुर्सी से हाथ-पैर बांधकर छोड़ दिया। कुछ देर बाद सिक्योरिटी इंचार्ज विनोद सिंह वहां पहुंचे। पुरानी चोरियों का आरोप नाबालिग पर लगाते हुए उसे पीटना शुरू कर दिया। दोपहर से रात 10 बजे तक उसे अंदर ही बंधक बनाकर रखा। जब आसपास वालों ने नाबालिग की आवाज सुनी और पूरे मामले का पता लगा तो उन्होंने पुलिस को सूचना दी। रात 11.30 बजे तक चल रहा था मामला इसके बाद पास ही रहने वाले सुनील कुमार को यह बात पता लगी तो उन्होंने डायल -112 को कॉल किया। साथ ही मामले की सूचना से गोला का मंदिर पुलिस को अवगत कराया है। इसके बाद पुलिस व डायल 112 भी वहां पहुंच गई। काफी देर हंगामा के बाद कंपनी के प्रबंधक अशोक पांडे को कंपनी ने वहां हालात देखने के लिए भेजा। इसके बाद वहां पुलिस अंदर पहुंची तो नाबालिग खड़ा मिला है। पुलिस ने उससे पूछताछ की तो उसने उसे बंधक बनाकर कमरे में कुर्सी से हाथ पैर बांधकर पीटने का आरोप लगाया है। इसके बाद घायल नाबालिग के परिजन भी गोला का मंदिर थाना पहुंच गए। पुलिस का कहना इस मामले में गोला का मंदिर थाना पुलिस का कहना है कि एक नाबालिग फैक्ट्री की दीवार फांदकर अंदर पहुंचा था। उसे फैक्ट्री के सिक्योरिटी गार्ड्स ने मारपीट की है। मामले की जांच की जा रही है।
गलत व्यक्ति पर हुई अवैध परिवहन की कार्रवाई:हाईकोर्ट में याचिका दायर,दोषियों पर 50 हजार का जुर्माना;छिंदवाड़ा कलेक्टर के आदेश को चुनौती

मध्यप्रदेश हाईकोर्ट ने छिंदवाड़ा कलेक्टर द्वारा पारित दंड आदेश अनुचित पाते हुए रद्द कर दिया। कोर्ट ने कहा कि कलेक्टर ने तथ्यों की जाँच किए बिना ही खनन अधिकारी की रिपोर्ट को आँख मूंद करके स्वीकार कर लिया और असंबंधित व्यक्ति पर गलत तरीके से दोष मढ़ दिय . छिंदवाड़ा निवासी सारंग रघुवंशी ने छिंदवाड़ा कलेक्टर के जुर्माने के आदेश को चुनौती देते हुए एक याचिका दायर की थी। याचिका में कहा गया कि राजस्व कार्यालय ने वैधानिक प्राधिकरण या आवश्यक दस्तावेज़ों के बिना अवैध रूप से सामग्री परिवहन कर रहे एक ट्रक को जब्त किया। खनन निरीक्षक द्वारा अंतिम रिपोर्ट के साथ एक पंचनामा तैयार किया गया और अभियोग के लिए दस्तावेज कलेक्टर को सौंप दिए गए। याचिकाकर्ता को कारण बताओ नोटिस प्राप्त हुआ और उसने जवाब दाखिल करते हुए कहा कि वह ट्रक का मालिक नहीं है। याचिकाकर्ता के जवाब पर विचार नहीं किया गया और 27 जनवरी, 2025 को ट्रक को जब्त करने का निर्देश पारित किया गया। न्यायालय ने पाया कि खनन अधिकारी ने ट्रक के मालिक का पता लगाने और उसके बयान दर्ज करने का कोई प्रयास नहीं किया, बल्कि ट्रक चालक राजेश के बयान पर भरोसा किया। जस्टिस विवेक रुसिया की कोर्ट ने पाया कि याचिकाकर्ता को गलत तरीके से वाहन का मालिक माना गया और उस पर दायित्व थोपा गया।
Bhopal Hamidiya Hospital LIVE Baby Declared Dead Controversy

भोपाल के हमीदिया अस्पताल में एक बार फिर नवजात को मृत घोषित करने के बाद उसमें हरकत दिखने का मामला सामने आया है, जिससे अस्पताल में विवाद की स्थिति बन गई। शुक्रवार को 6 माह की गर्भवती महिला की इमरजेंसी डिलीवरी के बाद बच्चे को मृत बताया गया, लेकिन कुछ दे . इमरजेंसी डिलीवरी के बाद मृत घोषित किया नवजात जानकारी के अनुसार, शुक्रवार दोपहर करीब 4 बजे मानताशा नाम की महिला हमीदिया अस्पताल के ब्लॉक 2 में गंभीर हालत में पहुंची। महिला लगभग 6 महीने की गर्भवती थी और अस्पताल पहुंचने के समय ही शिशु का सिर बाहर आ चुका था। स्थिति को देखते हुए डॉक्टरों ने तुरंत लेबर रूम में भर्ती कर इमरजेंसी डिलीवरी कराई। डिलीवरी के बाद परिजनों को बताया गया कि बच्चा मृत पैदा हुआ है। लेकिन कुछ समय बाद नवजात में हलचल जैसी स्थिति दिखने लगी, जिससे परिजनों में आक्रोश फैल गया और अस्पताल परिसर में हंगामा शुरू हो गया। हंगामे के बाद पुलिस को बुलाना पड़ा परिजनों के हंगामे को देखते हुए अस्पताल प्रबंधन ने सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई और कोहेफिजा थाने से टीआई के.जी. शुक्ला को मौके पर बुलाया गया। पुलिस ने पहुंचकर परिजनों को समझाने का प्रयास किया और स्थिति को नियंत्रित किया। अस्पताल प्रशासन ने तत्काल मामले को शांत कराने की कोशिश की, लेकिन घटना ने एक बार फिर अस्पताल की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। पहले भी सामने आ चुका है ऐसा मामला हमीदिया अस्पताल में इससे पहले भी इसी तरह का विवाद बुधवार को सामने आया था। उस मामले में एक नवजात को मृत घोषित कर मृत्यु प्रमाण पत्र दे दिया गया था। परिजनों का दावा था कि जब वे करीब चार घंटे बाद एनआईसीयू में शव लेने पहुंचे, तो बच्ची में सांस चल रही थी। उन्होंने इसका वीडियो भी बनाया, जिसमें नवजात का पेट हिलता नजर आया। इस घटना के बाद भी अस्पताल प्रबंधन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठे थे और अब दोबारा सामने आए मामले ने चिंता और बढ़ा दी है। अस्पताल के डॉक्टरों का कहना है कि ऐसे मामलों में नवजात अत्यंत प्रीमेच्योर होता है। जानकारी के अनुसार, पहले सामने आए मामले में बच्ची का वजन लगभग 450 ग्राम था, जो सामान्य से काफी कम है। डॉक्टरों के मुताबिक, जन्म के समय स्टेथोस्कोप से जांच में हार्टबीट नहीं मिली थी। ऐसी स्थिति में प्रोटोकॉल के तहत नवजात को मृत माना जाता है और आगे की प्रक्रिया की जाती है। ये खबर भी पढ़ें… नवजात की सांसें चल रही थीं, दे दिया डेथ सर्टिफिकेट भोपाल के हमीदिया अस्पताल में एक नवजात को मृत घोषित किए जाने के चार घंटे बाद उसकी सांसें चलने का दावा किया गया है। नवजात के पिता का कहना है कि उन्हें मृत्यु प्रमाण पत्र दे दिया गया था, लेकिन जब शव लेने एनआईसीयू पहुंचे तो बच्ची में हरकत दिखाई दी। उन्होंने इसका वीडियो भी बनाया है।पूरी खबर पढ़ें
Maharashtra Woman Commission Chief Resigns Over Tantric Ritual Accusations

Hindi News National Maharashtra Woman Commission Chief Resigns Over Tantric Ritual Accusations मुंबई31 मिनट पहले कॉपी लिंक शिवसेना (UBT) की प्रवक्ता सुषमा अंधारे ने महिला आयोग की अध्यक्ष रूपाली चाकणकर की कटी उंगली वाली तस्वीर दिखाई। महाराष्ट्र में रेप के आरोपी ज्योतिषी अशोक खरात से संबंधों के आरोपों के बाद मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने शुक्रवार को राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष का इस्तीफा मांगा। विपक्षी पार्टियों ने महिला आयोग की अध्यक्ष रूपाली चाकणकर पर आरोपी से संबंध के आरोप लगाए थे। शिवसेना (UBT) की प्रवक्ता सुषमा अंधारे ने दावा किया कि खरात के प्रभाव में आकर चाकणकर ने तांत्रिक अनुष्ठान के लिए अपनी अनामिका या तीसरी उंगली काट ली थी। अंधारे ने ऐसी तस्वीरें भी दिखाईं जिनमें चाकणकर की तीसरी उंगली पर पट्टी बंधी हुई दिख रही है। दरअसल, महाराष्ट्र के नासिक में एक 35 साल की महिला से बार-बार रेप और ब्लैकमेल करने के आरोप में पुलिस ने बुधवार को एक मशहूर ज्योतिषी अशोक खरात (67) को गिरफ्तार किया था। पुलिस के मुताबिक, ज्योतिषी कई महिलाओं का यौन उत्पीड़न कर चुका है। अशोक खरात एक रिटायर्ड मर्चेंट नेवी अफसर है। वह खुद को कैप्टन कहता था। चाकणकर ने SIT बनाने की मांग की थी इससे पहले, चाकणकर ने पुलिस महानिदेशक सदानंद दाते को एक पत्र लिखकर मांग की थी कि खरात के खिलाफ स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम(SIT) का गठन किया जाए। SIT को रेप और यौन शोषण के आरोपों की जांच के आदेश देने की मांग की गई थी। लेकिन विपक्षी नेताओं ने चाकणकर के आरोपी के साथ अपने संबंधों को उजागर करके BJP के नेतृत्व वाली सरकार को घेरने की कोशिश की। इसके साथ ही कार्यकर्ता अंजलि दमानिया ने भी चाकणकर को तत्काल पद से हटाने की मांग की थी। सुषमा अंधारे ने आरोप लगाया कि खरात आध्यात्मिक अनुष्ठानों की आड़ में महिलाओं का यौन शोषण करने के साथ-साथ वित्तीय धोखाधड़ी और जमीन हड़पने के मामलों में भी शामिल था। पीड़ित का आरोप- भविष्यवाणियों से डराता, धमकी देता था FIR दर्ज कराने वाली एक महिला का आरोप है ज्योतिषी ने नवंबर 2022 से दिसंबर 2025 के बीच कई बार यौन शोषण किया। पीड़िता का आरोप है कि पूजा-पाठ के बहाने ज्योतिषी उसे नासिक के कनाडा कॉर्नर इलाके स्थित अपने ऑफिस में बुलाता था। FIR के अनुसार, ज्योतिषी महिला से कहता था कि उसकी भविष्यवाणी के अनुसार उसके पति की जान को खतरा है। इसके बाद वह महिला को नशीला पेय पिलाकर उसके साथ रेप करता था। पुलिस ने बताया कि वह महिला को अपनी भविष्यवाणियों और धमकियों के जरिए डराता भी था। पुलिस के मुताबिक, आरोपी ने अपनी पहचान एक सिद्ध ज्योतिषी के रूप में बना ली थी। खरात के राजनीतिक संबंध दिल्ली से महाराष्ट्र तक फैले खरात नासिक जिले के सिन्नर तालुका के मिरगांव स्थित श्री ईशनेश्वर महादेव मंदिर ट्रस्ट का चेयरमैन है। वहां उसका एक आलीशान फार्महाउस है, जहां कई प्रभावशाली लोग आते-जाते थे। आरोपी नासिक के कनाडा कॉर्नर इलाके में ‘ओकस प्रॉपर्टी डीलर्स एंड डेवलपर्स’ नाम से ऑफिस चलाता था। आरोप है कि वहां असल में आपराधिक गतिविधियां होती थीं। उसने खुद को समाज में एक शक्तिशाली और सिद्ध ज्योतिषी के रूप में स्थापित कर लिया था। कहा जाता है कि उसके राजनीतिक संबंध दिल्ली से लेकर महाराष्ट्र की सत्ता तक फैले हुए थे। बताया गया कि अतीत में कई राजनेता और चर्चित लोग इस ज्योतिषी से मिलने आते रहे हैं। उसे कई नेताओं, सेलिब्रिटीज और उद्योगपतियों का आध्यात्मिक मार्गदर्शक माना जाता था। नवंबर 2022 में तत्कालीन मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, उनके कैबिनेट सहयोगी राधाकृष्ण विखे पाटिल और दीपक केसरकर के साथ खरात से मिरगांव मंदिर में मिले थे। पुलिस ने आरोपी को उसके बेडरूम से गिरफ्तार किया नासिक पुलिस ने बुधवार को खरात की गिरफ्तारी के लिए एक सीक्रेट ऑपरेशन चलाया था। रात के अंधेरे में पुलिस ने आरोपी के घर के बाहर चोर-चोर चिल्लाकर अफरा-तफरी का माहौल बनाया। इसी बहाने टीम घर के अंदर पहुंची और आरोपी को उसके बेडरूम से गिरफ्तार कर लिया। छापेमारी के दौरान खरात के फार्महाउस से एक पिस्टल, जिंदा कारतूस और इस्तेमाल किए गए कारतूस भी बरामद हुए। मिरगांव स्थित मंदिर और आश्रम में भी तलाशी ली गई, जहां कई संदिग्ध दस्तावेज मिले। पुलिस के मुताबिक महाराष्ट्र में उसकी कई संपत्तियां भी जांच के दायरे में आ गई हैं। दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…








