किसी के लिए अमृत, किसी के लिए जहर…जानिए एलोवेरा का घातकपन, पीते ही होने लगेगी ऐंठन-उल्टी

X Health Tips : जानिए एलोवेरा का घातकपन, पीते ही होने लगेगी ऐंठन-उल्टी ऋषिकेश. आयुर्वेद में एलोवेरा को अमृत समान माना गया है. ये त्वचा की सुंदरता बढ़ाने, पाचन सुधारने और शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत करने में आगे है. सुबह खाली पेट एलोवेरा जूस पीना हेल्थ ट्रेंड बन चुका है, लेकिन इसका अधिक सेवन भी घातक है. लोकल 18 से ऋषिकेश आयुष चिकित्सक डॉ. राजकुमार बताते हैं कि एलोवेरा में विटामिन ए, सी और ई के साथ एंटीऑक्सीडेंट और एंटीइंफ्लेमेटरी गुण पाए जाते हैं. यह पेट की गर्मी को शांत करने, कब्ज दूर करने और पाचन तंत्र को बेहतर बनाने में मदद कर सकता है. त्वचा पर लगाने से यह मॉइस्चराइजिंग का काम करता है. हालांकि हर शरीर की प्रकृति अलग होती है. एलोवेरा में पाए जाने वाले कुछ तत्व, खासकर लेटेक्स भाग, अधिक मात्रा में लेने पर पेट में ऐंठन, दस्त और उल्टी जैसी समस्याएं पैदा कर सकते हैं. कई बार लोग जल्दी फायदा पाने के लिए मात्रा बढ़ा देते हैं, लेकिन यही गलती नुकसान का कारण बनती है. गर्भवती महिलाओं और छोटे बच्चों को भी एलोवेरा का सेवन सावधानी से करना चाहिए. कुछ मामलों में यह गर्भाशय संकुचन को प्रभावित कर सकता है. बच्चों का पाचन तंत्र संवेदनशील होता है.
एक घूंट पीते ही शरीर हो जाएगा तरोताजा, गर्मी में भी देगा ठंडक का एहसास! ये देसी नुस्खा कई बीमारियों में कारगर

Last Updated:April 26, 2026, 18:08 IST Health news: आयुर्वेद में ऐसी कई औषधी है, जिसमें लाखों गुण पाए गए हैं. उन्हीं में से एक है गोंद कतीरा, जिसे आयुर्वेद में गर्मी से राहत देने वाली औषधि भी माना जाता है. इन दिनों गोंद कतीरा लोगों के बीच ठंडक का टॉनिक साबित हो रहा है. बलिया: चिलचिलाती धूप और भीषण गर्मी ने इस बार लोगों की बेचैनी बढ़ा दी है. इस दौरान सड़क पर निकलना या घर में बैठना भी आसान नहीं है, हर कोई तपिश से बेहाल है. ऐसे में एक देसी नुस्खा तेजी से वायरल हो रहा है. बिल्कुल सही सुना आपने, हम बात कर रहे हैं गोंद कतीरा की, जिसे आयुर्वेद में गर्मी से राहत देने वाली औषधि भी माना जाता है. इन दिनों गोंद कतीरा लोगों के बीच ठंडक का टॉनिक साबित हो रहा है. बलिया की फेमस सात साल अनुभवी आयुर्वेदाचार्य डॉ. प्रियंका सिंह के अनुसार, गोंद कतीरा दिखने में तो साधारण लगता है, लेकिन इसके फायदे हैरान करने वाले हैं. गोंद कतीरा बाजार में हर पैसारी या आयुर्वेदिक दुकानों पर आसानी से मिल जाता है. इसका सेवन करना भी बहुत आसान है. रात में दो चम्मच गोंद कतीरा पानी में भिगो दीजिए और सुबह इसे घोलकर पी लें. चाहें तो शरबत या मिश्री मिलाकर इसका स्वाद बढ़ाया जा सकता है. यह शरीर को अंदर से ठंडा रखता है और लू के असर को कम करने में रामबाण साबित हो सकता है. कई समस्याओं में कारगरगोंद कतीरा न केवल गर्मी से राहत देता है, बल्कि तमाम समस्याओं में भी बहुत उपयोगी है. यह जरूरत से ज्यादा पसीना, हाथ-पैर में जलन, पाचन की दिक्कत और कमजोरी जैसी दिक्कतों में बहुत लाभकारी और गुणकारी है. इसमें फाइबर पाए जाते हैं, जो पाचन तंत्र को दुरुस्त रखने में मदद करते हैं, जबकि फोलिक एसिड शरीर को ऊर्जा भी देता है. यह खून की कमी से जूझ रहे लोगों के लिए भी बहुत फायदेमंद होता है. हालांकि, जनपद बलिया में इन दिनों गोंद कतीरा का खूब उपयोग हो रहा है. एक्सपर्ट की सलाह के बाद करें इस्तेमालगोंद कतीरा घरेलू नुस्खों में मेहंदी के फूल या धनिया के साथ इस्तेमाल करने की जाती है, ऐसा करने से माइग्रेन या टॉन्सिल जैसी समस्याओं से निजात मिलती है. भीषण गर्मी के इस दौर में गोंद कतीरा लोगों के लिए राहत की उम्मीद जरूर बना है, लेकिन अगर आपको पहले से कोई गंभीर बीमारी हो, तो बगैर किसी एक्सपर्ट से संपर्क या सलाह लिए गोंद कतीरा का सेवन न करें, वरना हानिकारक भी सिद्ध हो सकता है. About the Author आर्यन सेठ आर्यन ने नई दिल्ली के जामिया मिलिया इस्लामिया से पत्रकारिता की पढ़ाई की और एबीपी में काम किया. उसके बाद नेटवर्क 18 के Local 18 से जुड़ गए. News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्टोरीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्स में सबमिट करें Location : Ballia,Uttar Pradesh First Published : April 26, 2026, 18:08 IST Disclaimer: इस खबर में दी गई दवा/औषधि और स्वास्थ्य से जुड़ी सलाह, एक्सपर्ट्स से की गई बातचीत के आधार पर है. यह सामान्य जानकारी है, व्यक्तिगत सलाह नहीं. इसलिए डॉक्टर्स से परामर्श के बाद ही कोई चीज उपयोग करें. Local-18 किसी भी उपयोग से होने वाले नुकसान के लिए जिम्मेदार नहीं होगा.
$5 Billion Trade Target, $20 Billion Investment & 5000 Visas for Indians

Hindi News Business India New Zealand FTA Signing On April 27, 2026: $5 Billion Trade Target, $20 Billion Investment & 5000 Visas For Indians नई दिल्ली25 मिनट पहले कॉपी लिंक भारत और न्यूजीलैंड के बीच कल (सोमवार, 27 अप्रैल) फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (FTA) साइन होगा। दिल्ली में भारत मंडपम में होने वाले इस कार्यक्रम में यूनियन मिनिस्टर ऑफ कॉमर्स पीयूष गोयल और न्यूजीलैंड के मिनिस्टर ऑफ ट्रे़ड टॉड मैक्ले शामिल होंगे। इस समझौते का मुख्य उद्देश्य अगले पांच सालों में बायलेटरल ट्रेड को दोगुना कर 5 बिलियन डॉलर तक पहुंचाना है। इस ऐतिहासिक समझौते के तहत न्यूजीलैंड अगले 15 सालों में भारत के मैन्युफैक्चरिंग, इंफ्रास्ट्रक्चर, सर्विस और इनोवेशन सेक्टर में 20 बिलियन डॉलर (करीब 1.8 लाख करोड़ रुपए) का निवेश करेगा। इससे भारत में रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। साथ ही भारतीय कंपनियों को न्यूजीलैंड के बाजारों में ड्यूटी-फ्री पहुंच मिलेगी, जिससे एक्सपोर्ट को बढ़ावा मिलेगा। भारतीय प्रोफेशनल्स के लिए 5,000 वीजा का कोटा सर्विस सेक्टर में भारत को बड़ी कामयाबी मिली है। न्यूजीलैंड अब हर साल 5,000 भारतीय प्रोफेशनल्स को अस्थायी रोजगार वीजा देगा। इसमें आईटी, इंजीनियरिंग, हेल्थकेयर, एजुकेशन और कंस्ट्रक्शन जैसे हाई-डिमांड सेक्टर्स के साथ-साथ आयुष प्रैक्टिशनर्स, योग प्रशिक्षक, भारतीय शेफ और संगीत शिक्षकों को भी शामिल किया गया है। यह वीजा 3 साल की अवधि के लिए होगा। किसानों के हितों की रक्षा, डेयरी-चीनी पर कोई छूट नहीं सरकार ने घरेलू किसानों और MSME के हितों को ध्यान में रखते हुए संवेदनशील क्षेत्रों में कोई रियायत नहीं दी है। डेयरी सेक्टर (दूध, क्रीम, दही, पनीर), चीनी, प्याज, चने, मटर, मक्का, बादाम, मसाले और खाद्य तेल को इस समझौते से बाहर रखा गया है। इन पर पहले की तरह ही ड्यूटी लगती रहेगी ताकि स्थानीय उत्पादन प्रभावित न हो। इन सामानों पर मिलेगी ड्यूटी में छूट समझौते के तहत न्यूजीलैंड के 95% एक्सपोर्ट आइटम्स पर टैरिफ कम या खत्म कर दिए जाएंगे। इसमें ऊन, कोयला, लकड़ी और भेड़ के मांस जैसे उत्पादों को ड्यूटी-फ्री एक्सेस मिलेगा। वहीं कीवीफ्रूट, सेब, वाइन, चेरी, एवोकैडो और शहद जैसे उत्पादों के लिए कोटा आधारित टैरिफ कटौती की जाएगी। फार्मा सेक्टर को मिलेगी रफ्तार भारतीय फार्मा और मेडिकल डिवाइस कंपनियों के लिए न्यूजीलैंड का बाजार अब आसान हो जाएगा। वहां की रेगुलेटरी अथॉरिटी अब भारत की GMP (गुड मैन्युफैक्चरिंग प्रैक्टिस) रिपोर्ट को स्वीकार करेगी। इससे उत्पादों की मंजूरी जल्द मिलेगी और अनुपालन लागत यानी कंप्लायंस कॉस्ट में कमी आएगी। न्यूजीलैंड के साथ भारत की तीसरी बड़ी डील भारत ने ‘फाइव आइज’ (FVEY) एलायंस के तीन सदस्यों- ऑस्ट्रेलिया, यूके और न्यूजीलैंड के साथ ट्रेड डील फाइनल कर ली है। इससे पहले भारत यूएई, मॉरीशस और ईएफटीए देशों के साथ भी समझौते कर चुका है। वर्तमान में भारत और न्यूजीलैंड के बीच कुल व्यापार लगभग 2.4 बिलियन डॉलर का है, जिसे जल्द ही 5 बिलियन डॉलर तक ले जाने का प्लान है। दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
साई से लौटकर गांव में सीख रही कुश्ती:12 राष्ट्रीय पदक जीती माधुरी; ओलंपिक में भारत के लिए लाना चाहती हैं मेडल

खंडवा जिले के बोरगांवखुर्द की युवा पहलवान माधुरी पटेल देवास में आयोजित कुश्ती महोत्सव में हिस्सा लेने आई हैं। 21 वर्षीय माधुरी का सपना ओलंपिक में देश के लिए पदक जीतना है। वह अपने पिता से कुश्ती के गुर सीख रही हैं। माधुरी अब तक 12 राष्ट्रीय पदक जीत चुकी हैं। उनकी कहानी फिल्म ‘दंगल’ से मिलती-जुलती है, जहां उनके पिता जगदीश पटेल, जो खुद राज्य स्तर के पहलवान रह चुके हैं, पिछले 11 सालों से उन्हें प्रशिक्षण दे रहे हैं। पिता जगदीश पटेल का एकमात्र सपना है कि उनकी बेटी देश के लिए ओलंपिक में पदक जीते। उन्होंने माधुरी के सपनों को साकार करने के लिए अथक प्रयास किए हैं और उनका अटूट विश्वास ही माधुरी की सबसे बड़ी ताकत है। शुरुआत में माधुरी अपने गांव की अकेली लड़की थीं जो अखाड़े में उतरती थीं। उन्हें और उनके पिता को समाज के सवालों का सामना करना पड़ा। माधुरी को भी शुरू में इस संघर्ष और कड़ी मेहनत का अर्थ समझ नहीं आता था, लेकिन जैसे-जैसे उन्होंने दंगल जीते और पदक प्राप्त किए, उन्हें अपनी मेहनत का महत्व समझ आने लगा। आज माधुरी न केवल खुद कुश्ती लड़ रही हैं, बल्कि अपने गांव की 15-20 अन्य बेटियों को भी कुश्ती के लिए प्रेरित कर रही हैं। जो लड़कियां पहले अखाड़े के बाहर खड़ी होकर देखती थीं, वे अब उनके साथ मिट्टी में पसीना बहा रही हैं। सुबह शाम तीन-तीन घंटे करती हैं अभ्यास माधुरी ने बताया कि उनकी दिनचर्या में हर सुबह और शाम तीन-तीन घंटे का अभ्यास, सख्त आहार और पिता की डांट में छिपा प्यार शामिल है। मुंबई के साई सेंटर तक पहुंचने के बाद भी उन्होंने गांव लौटना चुना, क्योंकि उनका मानना है कि उनका असली संघर्ष और पहचान इसी मिट्टी से जुड़ी है। साम्या के पिता ट्रेन में चने बेचते है इसी अखाड़े में खंडवा की एक और बेटी, समय साम्या बानो भी अपने सपनों की लड़ाई लड़ रही हैं। 8 साल से कुश्ती कर रही साम्या के पिता ट्रेन में चने बेचते हैं, लेकिन उनकी हिम्मत कभी नहीं टूटी। पांच बार नेशनल में उतर चुकीं साम्या ने एक मेडल जरूर जीता है, पर उनका हौसला उससे कहीं बड़ा है। माधुरी और साम्या की कहानी सिर्फ कुश्ती की नहीं, बल्कि उस जिद की है जो हालातों से लड़ना सिखाती है… उस भरोसे की है जो एक पिता अपनी बेटी पर करता है… और उस सपने की है, जो छोटे गांवों की मिट्टी से निकलकर देश का नाम रोशन करने का हौसला रखता है। आयोजन से जुड़े आकाश संगते ने बताया कि इस कुश्ती महोत्सव में राष्ट्रीय अंतरराष्ट्रीय महिला पहलवान अपनी प्रतिभा दिखा रहे हैं। खंडवा से भी कई प्रतिभाशाली महिला पहलवान शामिल हुई है
Bhajji Security Removed | MP Claims Kejriwal Demanded Resignation; Suicide Over No Child

. पंजाब की आज की सबसे बड़ी खबर सांसद हरभजन सिंह भज्जी से जुड़ी रही। AAP सरकर ने उनकी Y कैटेगरी सिक्योरिटी हटा ली, इसके ठीक बाद केंद्र ने भज्जी को CRPF की सिक्योरिटी दे दी। दिनभर की 10 चुनिंदा बड़ी खबरों को VIDEO में देखने के लिए ऊपर क्लिक करें। इन 10 बड़ी खबरों को विस्तार से यहां पढ़ भी सकते हैं। तो आइए जानते हैं, पंजाब-चंडीगढ़ में दिनभर में क्या कुछ खास रहा… 1. AAP सरकार ने भज्जी की सिक्योरिटी छीनी, केंद्र ने CPRF लगाई आम आदमी पार्टी (AAP) के 7 सांसदों के पार्टी छोड़ने को लेकर मचा घमासान थम नहीं रहा है। पंजाब की AAP सरकार ने पूर्व क्रिकेटर व पार्टी छोड़ने वाले राज्यसभा सांसद हरभजन सिंह भज्जी की Y कैटेगरी सिक्योरिटी हटा ली है। उनके जालंधर स्थित घर पर तैनात पंजाब पुलिस के जवानों को तुरंत वापस बुला लिया गया है। इसके तुरंत बाद ही केंद्र सरकार ने भज्जी को CRPF की सिक्योरिटी दे दी। उनके घर के बाहर दिल्ली से भेजे 7 जवान तैनात कर दिए गए हैं। इसी बीच AAP छोड़ने वाले दूसरे राज्यसभा सांसद विक्रमजीत साहनी ने दावा किया कि AAP सुप्रीमो अरविंद केजरीवाल ने उनसे इस्तीफा मांगा था। मेरा मन भी बन गया था लेकिन फिर सलाहकारों ने रोक दिया। साहनी ने कहा कि पंजाब इस वक्त ICU में है। उसे बचाने के लिए स्ट्रॉन्ग सेंट्रल सपोर्ट या केंद्र सरकार के सहयोग की जरूरत है। वहीं AAP न छोड़ने वाले सांसद संत सीचेवाल ने कहा कि राघव चड्ढा ने आजाद ग्रुप बनाने की बात कहकर मुझे 16, 17 और 18 अप्रैल को चाय पर बुलाया था लेकिन मैं वहां नहीं गया। मैंने उन्हें किसी तरह का आजाद ग्रुप बनाने या उसमें शामिल होने से मना कर दिया (पढ़ें पूरी खबर) 2. टेंपरेचर 45 डिग्री पार, सुबह 6 बजे से ही बिजली कट पंजाब में एक ओर जहां टेंपरेचर 45 डिग्री पार होने से भीषण गर्मी पड़ रही है, वहीं कई शहरों में पावर कट से लोग काफी परेशान हैं। बिजली विभाग के पावर कट न लगने के दावे भी फेल साबित हो रहे हैं। आज सुबह 6 बजे से जालंधर और पठानकोट में फिर से बिजली गुल रही। वहीं, लुधियाना में 2 घंटे के कट के बाद भी बिजली के कट जारी है। उधर, मौसम विभाग ने भी 27 अप्रैल से 30 अप्रैल तक हीट वेव, वार्म नाइट का अलर्ट जारी किया है। विभाग ने लोगों को सलाह दी है कि वे दोपहर 12 से शाम 4 बजे तक घर से कम निकलें और खाने-पीने व सेहत का खास ध्यान रखें। बता दें कि देर रात बिजली विभाग ने कटों पर रोक लगाने की बात कही थी। 30 अप्रैल तक 11 kV और उससे ऊपर के किसी भी काम (PTW) की अनुमति बिना जोनल ऑफिस की लिखित मंजूरी के नहीं दी जाएगी। आदेश में कहा गया था कि पहले से तय सभी शटडाउन तुरंत रद्द कर दिए गए हैं। सभी फील्ड अधिकारी तुरंत चल रहे काम बंद करें और बिजली सप्लाई जल्द से जल्द बहाल करें। इन निर्देशों का सख्ती से पालन करें और इसे सबसे ज्यादा प्राथमिकता दें (पढ़ें पूरी खबर) 3. लेडी रैपिडो ड्राइवर को पीटा, गालियां देकर थप्पड़ मारे चंडीगढ़ में एक लेडी रैपिडो ड्राइवर के साथ बीच सड़क युवक ने मारपीट कर दी। कार से उतरते ही उसने पहले थप्पड़ जड़ा और फिर युवती को गालियां देने लगा। युवती ने जब इसका विरोध किया तो लोग इकट्ठा हो गए। दरअसल, मटका चौक पर तेज रफ्तार कार ने रैपिडो ड्राइवर निशा की स्कूटी को कट मारा। बाल-बाल बचने के बाद जब निशा ने कार ड्राइवर को टोकते हुए संभलकर चलने की सलाह दी, तो आरोपी आपा खो बैठा। वो गाली-गलौज करने लगा। इसके बाद वो कार से बाहर निकला और युवती को थप्पड़ जड़ दिया। इसके बाद लोगों ने युवक की पकड़कर पिटाई कर दी। जिसके बाद वो भाग निकला। आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। निशा ने वीडियो जारी कर कहा- मैं चंडीगढ़ में रैपिडो चलाती हूं और मैं आज पहली राइड ड्रॉप करके पेट्रोल पंप की तरफ जा रही थी। गाड़ी वाला बहुत गंदी तरीके से गाड़ी चला रहा था। उसने शराब भी पी रखी थी। फिर वह मुझे हिट करने वाला था। आरोपी विशाल ठाकुर के रूप में हुई है, बिजली विभाग में कॉन्ट्रैक्ट कर्मचारी है (पढ़ें पूरी खबर) 4. सोनम को देखते ही स्टेडियम में ‘भाभी-भाभी’ का शोर पंजाबी एक्ट्रेस सोनम बाजवा और सिंगर जी खान की मोहाली स्टेडियम में IPL के दौरान हुई नोंकझोंक चर्चा में है। इसका एक वीडियो भी सामने आया था। जिसमें सोनम बाजवा सिंगर खान को कह रही कि मैं तुहाडे नाल गल्ल नहीं करनी। अब सिंगर जी खान ने इसको लेकर पूरा किस्सा सुनाया है। जी खान ने कहा कि जब सोनम वहां पहुंची तो स्टेडियम में फैंस भाभी-भाभी का शोर मचाने लगे। मैंने सोनम से कहा कि देखो, सारा ग्राउंड अब आपको भाभी-भाभी कहकर बुला रहा है! सोनम मुझसे थोड़ी नाराज भी थीं। उन्होंने कहा कि आप स्टेज पर कह रहे थे कि आप मुझे नहीं बुलाएंगे, तो मैंने हंसकर जवाब दिया कि आपको बुलाने के लिए ही तो मैंने वह बात कही थी। दोनों के बीच नोंकझोंक के वीडियो में सोनम बाजवा कैमरे के सामने हाथ हिलाते हुए कह रहीं थी कि मुझे आपसे बात नहीं करनी। इस पर जी खान ने सोनम को कहा- तुस्सी बम्बे जा के भूल्ल गए सी, तां करके छेड़या तुहानू (आप मुंबई जाकर भूल गई थीं, इसलिए आपको छेड़ा था)। जिस पर सोनम ने मुस्कुराते हुए जवाब दिया कि मैं तो हमेशा याद करती हूं। (पढ़ें पूरी खबर) 5. फेरा डालने ससुराल पहुंचे CM मान, पत्नी-बेटी साथ आईं पंजाब में आम आदमी पार्टी (AAP) के सात राज्यसभा सांसदों के पार्टी छोड़ने को लेकर मचे घमासान के बीच मुख्यमंत्री भगवंत मान रविवार को पहली बार अपनी ससुराल हरियाणा के पिहोवा पहुंचे। उनके साथ उनकी पत्नी गुरप्रीत कौर और दो साल की बेटी नियामत कौर भी आईं। भगवंत मान शादी के 3 साल 9 महीने बाद फेरा डालने के लिए पहुंचे थे। वह अपनी ससुराल में करीब 2 घंटे रुके। इस दौरान उन्होंने लंच भी किया। इसके बाद मान पत्नी
Abhishek Sharma Fan Grab Controversy

जयपुर2 मिनट पहले कॉपी लिंक जयपुर में सनराइजर्स हैदराबाद के क्रिकेटर अभिषेक शर्मा का युवती ने हाथ पकड़कर खींच लिया। अचानक हुई इस घटना से अभिषेक चौंक गए। इस दौरान उनके साथ मौजूद सुरक्षाकर्मियों ने युवती से हाथ छुड़वाया और अभिषेक को लेकर रवाना हुए। दरअसल, अभिषेक शर्मा शनिवार को राजस्थान के खिलाफ IPL मैच के लिए होटल से SMS स्टेडियम जा रहे थे। इसी दौरान होटल की लॉबी में यह घटना हुई। इस घटना के बाद क्रिकेट खिलाड़ियों की सुरक्षा और निजी सीमाओं को लेकर सवाल उठने लगे। क्रिकेटर अभिषेक शर्मा होटल से निकलते हुए। मैच से पहले होटल से निकलने दौरान हुई घटना जयपुर के SMS स्टेडियम में शनिवार को सनराइजर्स हैदराबाद का मैच राजस्थान रॉयल्स के साथ था। अभिषेक मैच के लिए स्टेडियम के पास स्थित होटल से निकल रहे थे। इस दौरान भीड़ के बीच से एक महिला फैन अभिषेक शर्मा के करीब पहुंची और उनका हाथ पकड़कर अपनी ओर खींचने लगी। इस दौरान क्रिकेटर के साथ मौजूद सुरक्षा कर्मी तुरंत हरकत में आए और महिला फैन से अभिषेक का हाथ छुड़वाया और उनको लेकर स्टेडियम के लिए रवाना हुए। हालांकि यह घटना कुछ सेकंड की थी, लेकिन अचानक हुई इस हरकत से अभिषेक शर्मा असहज और हैरान नजर आए। खिलाड़ियों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर उठे सवाल इसके घटना को लेकर सोशल मीडिया पर तीखी प्रतिक्रियाएं मिल रही हैं। कई यूजर्स ने इस व्यवहार को “उत्पीड़न” करार दिया और कहा कि किसी भी खिलाड़ी की निजी सीमा का उल्लंघन स्वीकार्य नहीं है। कुछ लोगों ने सवाल उठाया कि अगर यही हरकत किसी पुरुष फैन ने महिला खिलाड़ी के साथ की होती तो प्रतिक्रिया क्या होती? फैंस का मानना है कि भीड़भाड़ वाली जगहों पर खिलाड़ियों के लिए सख्त सुरक्षा इंतजाम किए जाने चाहिए, ताकि इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके। ये खबर भी पढ़ें IPL:जयपुर में ध्रुव जुरेल का सिक्स, गेंद स्टेडियम के बाहर:वैभव सूर्यवंशी ने लगाए 12 छक्के; हैदराबाद ने राजस्थान को 5 विकेट से हराया जयपुर के SMS स्टेडियम में शनिवार (25 अप्रैल) को खेले गए IPL मैच में सनराइजर्स हैदराबाद ने राजस्थान रॉयल्स को 5 विकेट से हरा दिया। मैच के 11वें ओवर की चौथी गेंद पर ध्रुव जुरेल ने 101 मीटर का सिक्स लगाया। गेंद RCA एकेडमी के पीछे वाले ग्राउंड में चली गई। अंपायर को नई गेंद मंगवानी पड़ी। (पूरी खबर पढ़ें) दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
Raisen Collector Census 2027 | Self-Enumeration Process

रायसेन जिले में रविवार को कलेक्टर अरुण कुमार विश्वकर्मा ने सिंधी कैंप, बिनेका और बाड़ी सहित विभिन्न क्षेत्रों में स्वगणना कार्य का निरीक्षण किया। 42 डिग्री तापमान के बीच उन्होंने चौपाल लगाकर नागरिकों से संवाद किया और जनगणना-2027 के तहत स्वगणना प्रक्र . निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने नागरिकों को मोबाइल के माध्यम से स्वयं स्वगणना फॉर्म भरने की प्रक्रिया समझाई। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि चौपाल के माध्यम से जागरूकता अभियान को तेज किया जाए, ताकि अधिक से अधिक लोग स्वगणना में भाग ले सकें। नागरिकों से समय पर अपने परिवार की जानकारी ऑनलाइन दर्ज करने की अपील की गई। कलेक्टर अरुण कुमार विश्वकर्मा ने कहा कि जनगणना का कार्य महत्वपूर्ण है और इसमें नागरिकों की भागीदारी आवश्यक है। उन्होंने बताया कि स्वगणना की सुविधा से लोग घर या कार्यालय से ही सुरक्षित तरीके से अपनी जानकारी दर्ज कर सकते हैं, जिससे समय की बचत और डेटा की सटीकता सुनिश्चित होती है। जनगणना-2027 के प्रथम चरण में मकान सूचीकरण और गणना का कार्य 1 मई से 30 मई 2026 तक किया जाएगा। इसके पहले 16 अप्रैल से 30 अप्रैल 2026 तक स्वगणना के लिए पोर्टल पर सुविधा उपलब्ध कराई गई है। जनगणना का द्वितीय चरण, जिसमें जनसंख्या गणना की जाएगी, फरवरी 2027 में संपन्न होगा।
कैलाश खेर का इवेंट में गाने से इनकार:बोले- कलाकार को जोकर न बनाएं; क्या सचिन तेंदुलकर से कभी कहोगे छक्का मार कर दिखा दो?

सिंगर कैलाश खेर ने हाल ही में दिल्ली के एक प्रोग्राम में ऑन-डिमांड गाना गाने की रिक्वेस्ट ठुकरा दी। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक कार्यक्रमों में गायकों से चलते-फिरते दो लाइनें सुनाने की जिद करना कलाकार की गरिमा को ठेस पहुंचाता है। सिंगर के मुताबिक, कलाकारों को मनोरंजन का साधन या ‘जोकर’ नहीं समझा जाना चाहिए। दिल्ली के इवेंट में भड़के सिंगर कैलाश खेर 25 अप्रैल को दिल्ली के ताज पैलेस में ‘सिक्स सिग्मा लीडरशिप समिट’ के सातवें एडिशन में शामिल हुए थे। इवेंट के दौरान जब होस्ट ने उनसे दर्शकों के मनोरंजन के लिए कुछ लाइनें गाने को कहा, तो सिंगर असहज हो गए। उन्होंने माइक पर ही नाराजगी जताते हुए कहा, “यही सोच मैं बदलना चाहता हूं। गायक या संगीत को ऐसा न माना जाए कि ‘सर दो लाइन गा दीजिए, मूड बना दीजिए’। यह बहुत गलत है, ऐसी रिक्वेस्ट मत किया कीजिए।” सचिन और आर्मी जवान से की तुलना अपनी बात को स्पष्ट करने के लिए कैलाश खेर ने क्रिकेट और सेना का उदाहरण दिया। उन्होंने कहा, क्या आप कभी सचिन तेंदुलकर से कहेंगे कि जरा एक छक्का लगाकर दिखा दीजिए? या किसी आर्मी के जवान से कहेंगे कि अपनी पोजीशन लेकर एक शॉट चलाकर दिखाएं? कलाकार साधक होते हैं, उन्हें जोकर मत बनाइए। वे अपने मन के मालिक होते हैं। 2003 में मिली थी बड़ी पहचान कैलाश खेर के फिल्मी सफर की बात करें तो उन्हें 2003 में फिल्म ‘वैसे भी होता है पार्ट II’ के गाने ‘अल्लाह के बंदे’ से बड़ी पहचान मिली थी। इसके बाद उन्होंने ‘कैलासा’ बैंड बनाया और ‘तेरी दीवानी’ जैसे सुपरहिट गाने दिए। वे ‘बाहुबली’ सीरीज के गाने ‘कौन हैं वो’ और ‘जय जयकारा’ के लिए भी जाने जाते हैं। अपनी अनोखी आवाज और सूफी अंदाज की वजह से वे भारत के सबसे सम्मानित गायकों में से एक हैं।
मंदसौर में 41°C तापमान, ऑरेंज अलर्ट जारी:भीषण गर्मी से जनजीवन प्रभावित, 28-29 अप्रैल को मौसम बदलने के आसार

मन्दसौर जिले में इन दिनों तेज धूप और भीषण गर्मी ने जनजीवन को पूरी तरह प्रभावित कर दिया है। चिलचिलाती धूप के बीच लोग जरूरी काम होने पर ही घरों से बाहर निकल रहे हैं। दोपहर के समय सड़कों पर सन्नाटा नजर आ रहा है, वहीं जो लोग बाहर निकल रहे हैं वे गर्मी से बचने के लिए मुंह पर गमछा या कपड़ा बांधकर सफर करते दिख रहे हैं। तेज धूप और लू के चलते दोपहर के समय बाजारों और सड़कों पर लोगों की संख्या कम हो गई है। खासकर पैदल चलने वाले और दोपहिया वाहन चालकों को गर्मी का सबसे ज्यादा सामना करना पड़ रहा है। तपती गर्मी से लोग खासे परेशान नजर आ रहे हैं। तेज धूप की तीन तस्वीरें… तापमान 41 डिग्री के पार, लू का असर जारी मंदसौर में अधिकतम तापमान करीब 41 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 28 डिग्री के आसपास बना हुआ है। लगातार बढ़ती गर्मी के चलते लोगों को दिनभर गर्म हवाओं का सामना करना पड़ रहा है, जिससे स्थिति और अधिक चुनौतीपूर्ण हो गई है। शनिवार को तेज गर्मी के बीच अचानक 15 से 20 मिनट की बारिश हुई, जिससे लोगों को कुछ समय के लिए राहत जरूर मिली। हालांकि इसके बाद फिर से गर्मी का असर बरकरार रहा। हीट वेव का ऑरेंज अलर्ट जारी मौसम विभाग ने मंदसौर जिले में हीट वेव का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इसके तहत भीषण गर्मी और तेज गर्म हवाएं चलने की संभावना जताई गई है। 27 अप्रैल को भी इसी तरह गर्मी बनी रहेगी। मौसम विभाग के अनुसार 28 और 29 अप्रैल को मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है। इस दौरान कुछ स्थानों पर बूंदाबांदी होने की संभावना है, जिससे तापमान में हल्की गिरावट आ सकती है।
जिंदगी की कीमत 18 करोड़! बेगूसराय की रूही के पास बचे हैं सिर्फ 6 महीने, सिस्टम सुनेगा मां की पुकार?

Last Updated:April 26, 2026, 16:56 IST Spinal Muscular Atrophy Treatment: बेगूसराय की 16 माह की मासूम रूही एक दुर्लभ बीमारी SMA से जंग लड़ रही है. जिसके इलाज के लिए 18 करोड़ के इंजेक्शन की जरूरत है. बेबस मां और डॉक्टर ने सरकार व समाज से मदद की गुहार लगाई है. क्या वक्त रहते रूही को नई जिंदगी मिल पाएगी? पढ़िए पूरी रिपोर्ट. ख़बरें फटाफट बेगूसराय: राजनेताओं और सरकार के दावों के बीच बेगूसराय की एक मां अपनी मासूम बच्ची की जिंदगी के लिए झोली फैलाकर खड़ी है. यह कहानी है 16 महीने की रूही की. जिसकी मुस्कान अब धीरे-धीरे धुंधली पड़ रही है. रूही एक ऐसी दुर्लभ बीमारी से जूझ रही है. जिसका इलाज तो मुमकिन है, लेकिन उसकी कीमत इतनी अधिक है कि एक मध्यमवर्गीय परिवार के लिए वह महज एक सपना बनकर रह गई है. मदद की आस में भटकती मांबेगूसराय जिले के सदर प्रखंड के पचम्बा की रहने वाली अंजली कुमारी अपनी बेटी रूही की जान बचाने के लिए दर-दर की ठोकरें खा रही हैं. अंजली ने लोकल 18 को अपनी आपबीती सुनाते हुए बताया कि उन्होंने बेगूसराय से लेकर पटना तक के अनगिनत चक्कर काटे. शुरुआत में स्थानीय डॉक्टरों ने भारी-भरकम बिल तो बनाए, लेकिन मर्ज समझ नहीं पाए. पटना में तो यहां तक कह दिया गया कि यह बच्ची कभी ठीक नहीं होगी. हताशा और कर्ज के बोझ तले दबी अंजली जब अंत में बेगूसराय सदर अस्पताल पहुंचीं. तब जाकर इस बीमारी का असली नाम सामने आया. क्या है स्पाइनल मस्कुलर अट्रॉफी?सदर अस्पताल के शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ.कृष्ण कुमार ने रूही की जांच के बाद बताया कि वह स्पाइनल मस्कुलर अट्रॉफी यानी SMA नामक दुर्लभ बीमारी से ग्रस्त है. यह बीमारी जींस की खराबी के कारण होती है. जो न्यूरोमस्कुलर जंक्शन को प्रभावित करती है. इसमें बच्चे की मांसपेशियां धीरे-धीरे काम करना बंद कर देती हैं. बच्चा न तो ठीक से बैठ पाता है और न खड़ा हो पाता है. साथ ही चल भी नहीं पाता है. डॉ.कुमार के अनुसार यह एक ऑटोसोमल रिसेसिव बीमारी है. जो लगभग 10000 बच्चों में से किसी एक को होती है. 18 करोड़ का एक इंजेक्शन, असंभव सी चुनौतीइस बीमारी का दुनिया में एकमात्र प्रभावी इलाज जीन थेरेपी है. इसके लिए ज़ोल्जेंसमा नामक एक सिंगल डोज इंजेक्शन दिया जाता है. इस इंजेक्शन की कीमत जानकर किसी के भी पैरों तले जमीन खिसक जाए. इसकी कीमत लगभग 17 से 18 करोड़ रुपये है. डॉक्टर बताते हैं कि इस इंजेक्शन का सक्सेस रेट 92% से 95% तक है. लेकिन इस तक पहुंचना एक गरीब या सामान्य परिवार के लिए असंभव है. रूही के पास अब केवल 6 महीने का समय शेष है. क्योंकि इस इंजेक्शन का असर एक निश्चित आयु सीमा तक ही सबसे प्रभावी होता है. सिस्टम और समाज से उम्मीदडॉ.कृष्ण कुमार ने बताया कि इससे पहले उन्होंने बदलपुर के एक बच्चे के लिए प्रयास किया था. जिसे मुंबई भेजकर यह इंजेक्शन दिलवाया गया. वह बच्चा अब ठीक है. रूही के मामले में भी वे कोशिश कर रहे हैं. लेकिन अब तक न तो कोई बड़ी संस्था सामने आई है. न ही क्राउडफंडिंग की कोई बड़ी शुरुआत हुई है. अंजली कहती हैं कि अब कोई कर्ज देने को भी तैयार नहीं है. क्या मेरी बच्ची सिर्फ इसलिए दम तोड़ देगी क्योंकि हमारे पास 18 करोड़ रुपये नहीं हैं. About the Author Amit ranjan मैंने अपने 12 वर्षों के करियर में इलेक्ट्रॉनिक, प्रिंट और डिजिटल मीडिया में काम किया है। मेरा सफर स्टार न्यूज से शुरू हुआ और दैनिक भास्कर, दैनिक जागरण, दैनिक भास्कर डिजिटल और लोकल 18 तक पहुंचा। रिपोर्टिंग से ले…और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्टोरीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्स में सबमिट करें Location : Begusarai,Bihar First Published : April 26, 2026, 16:56 IST








