England Sets 254 Target for New Zealand at Lords Test

11 मिनट पहले कॉपी लिंक जॉश टंग ने दिन का खेल समाप्त होने से पहले केन विलियमसन को आउट कर दिया। लॉर्ड्स में इंग्लैंड और न्यूजीलैंड के बीच खेला जा रहा टेस्ट मैच गेंदबाजों के नाम रहा। पहले दिन 16 विकेट गिरने के बाद दूसरे दिन भी बल्लेबाज संघर्ष करते नजर आए और दिनभर में 17 विकेट गिरे। इंग्लैंड दूसरी पारी में एक समय मजबूत स्थिति में थी, लेकिन 11 गेंदों में 4 विकेट गंवाकर लड़खड़ा गई। इसके बावजूद टीम ने न्यूजीलैंड के सामने जीत के लिए 254 रनों का लक्ष्य रखा। इससे पहले इंग्लैंड ने न्यूजीलैंड की पहली पारी 113 रन पर समेटकर 27 रन की बढ़त हासिल की। इसके बाद उसकी दूसरी पारी 226 रन पर सिमट गई, जिससे न्यूजीलैंड को जीत के लिए 254 रन का लक्ष्य मिला। लक्ष्य का पीछा करने उतरी न्यूजीलैंड की शुरुआत भी खराब रही। दूसरे दिन का खेल समाप्त होने तक टीम 36 रन पर 3 विकेट गंवा चुकी थी। अब उसे जीत के लिए तीसरे दिन 218 रन और बनाने हैं, जबकि इंग्लैंड को 7 विकेट की जरूरत है। ओली रॉबिन्सन का फाइव विकेट हॉल इंग्लैंड के तेज गेंदबाज ओली रॉबिन्सन ने टेस्ट कमबैक पर शानदार प्रदर्शन करते हुए 4 साल में अपना पहला फाइव विकेट हॉल पूरा किया। पहले दिन 61 रन पर 6 विकेट गंवाने के बाद न्यूजीलैंड की पहली पारी को इंग्लैंड ने दूसरे दिन सुबह के पहले घंटे में समेट दिया। न्यूजीलैंड की ओर से ग्लेन फिलिप्स पिछले दिन के स्कोर में बिना कोई रन जोड़े जोश टंग की सुबह की पहली गेंद पर बोल्ड हो गए। टंग ने अगले ओवर में नाथन स्मिथ को भी आउट किया। इसके बाद गस एटकिंसन ने विल ओ’रूर्के को स्लिप में कैच कराया और रॉबिन्सन ने मैट हेनरी को बोल्ड कर पारी का अंत किया। डेब्यू मैच में एमिलियो गे ने खेली 57 रनों की पारी, कीवियों ने छोड़े कैच इंग्लैंड के लिए डेब्यू कर रहे ओपनर एमिलियो गे ने दूसरी पारी में शानदार खेल दिखाया। पहली पारी में 14 गेंदों में आउट होने वाले गे ने बेन डकेट के साथ 52 रनों की साझेदारी की। उन्होंने 84 गेंदों में अर्धशतक पूरा किया, जो 2016 में कीटन जेनिंग्स के बाद किसी इंग्लिश ओपनर का डेब्यू पर पहला अर्धशतक है। एमिलियो ने नाथन स्मिथ के एक ओवर में 16 रन बटोरे। हालांकि, न्यूजीलैंड को खराब फील्डिंग का खामियाजा भुगतना पड़ा। रचिन रवींद्र और डेवोन कॉनवे ने लगातार दूसरे दिन कैच छोड़े, जबकि डेरिल मिचेल और टॉम लैथम ने तालमेल की कमी से एक कैच टपका दिया। 11 गेंदों में गिरे इंग्लैंड के 4 विकेट, नाथन स्मिथ ने चटकाए 6 विकेट इंग्लैंड की दूसरी पारी एक समय 2 विकेट पर 126 रन बनाकर मजबूत स्थिति में थी, लेकिन एमिलियो गे (57) के आउट होते ही टीम बिखर गई। इंग्लैंड ने 11 गेंदों में 4 प्रमुख विकेट गंवाए और स्कोर 126/2 से 127/6 हो गया। हैरी ब्रूक और जो रूट एलबीडब्ल्यू (lbw) हुए, जबकि कप्तान बेन स्टोक्स बिना खाता खोले नाथन स्मिथ की गेंद पर बोल्ड हो गए। नाथन स्मिथ ने बेहतरीन गेंदबाजी करते हुए लगातार दूसरी पारी में 6 विकेट हासिल किए। नाथन स्मिथ 70 रन देकर 6 विकेट लेने के बाद मैच बॉल के साथ जश्न मनाते हुए। स्मिथ और एटकिंसन की साझेदारी ने इंग्लैंड को संभाला 6 विकेट जल्दी गिरने के बाद जेमी स्मिथ और गस एटकिंसन ने सातवें विकेट के लिए 57 रनों की महत्वपूर्ण साझेदारी की, जो मैच की अब तक की सबसे बड़ी पार्टनरशिप है। पहली पारी में खाता खोले बिना बोल्ड होने वाले जेमी स्मिथ ने इस बार सूझबूझ दिखाई और चायकाल से पहले मैट हेनरी के ओवर में चौके लगाए। एटकिंसन के आउट होने के बाद ओली रॉबिन्सन ने कुछ बड़े शॉट्स खेले और इंग्लैंड की दूसरी पारी 226 रनों पर समाप्त हुई। इससे न्यूजीलैंड को 254 रनों का टारगेट मिला। 254 रनों का पीछा करने उतरी न्यूजीलैंड की खराब शुरुआत, विलियमसन भी सस्ते में आउट लॉर्ड्स में 254 रनों का पीछा करने उतरी न्यूजीलैंड की शुरुआत बेहद खराब रही। कप्तान टॉम लैथम पारी के पहले ओवर में गस एटकिंसन की तीसरी गेंद पर हैरी ब्रूक को कैच दे बैठे। इसके बाद अपना आखिरी टेस्ट मैच खेल रहे केन विलियमसन भी ज्यादा देर नहीं टिक सके और जोश टंग की गेंद पर 18 रन बनाकर एलबीडब्ल्यू हो गए। विलियमसन ने मैच की दो पारियों में 0 और 18 रन बनाए। दिन का खेल खत्म होने से पहले नाइटवॉचर के रूप में आए विल ओ’रूर्के को एटकिंसन ने बोल्ड कर न्यूजीलैंड का स्कोर 36 रन पर 3 विकेट कर दिया। डेवोन कॉनवे 12 रन बनाकर क्रीज पर मौजूद हैं और टीम को जीत के लिए 218 रनों की दरकार है। दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
England Sets 254 Target for New Zealand at Lords Test

27 मिनट पहले कॉपी लिंक जॉश टंग ने दिन का खेल समाप्त होने से पहले केन विलियमसन को आउट कर दिया। लॉर्ड्स में इंग्लैंड और न्यूजीलैंड के बीच खेला जा रहा टेस्ट मैच गेंदबाजों के नाम रहा। पहले दिन 16 विकेट गिरने के बाद दूसरे दिन भी बल्लेबाज संघर्ष करते नजर आए और दिनभर में 17 विकेट गिरे। इंग्लैंड दूसरी पारी में एक समय मजबूत स्थिति में थी, लेकिन 11 गेंदों में 4 विकेट गंवाकर लड़खड़ा गई। इसके बावजूद टीम ने न्यूजीलैंड के सामने जीत के लिए 254 रनों का लक्ष्य रखा। इससे पहले इंग्लैंड ने न्यूजीलैंड की पहली पारी 113 रन पर समेटकर 27 रन की बढ़त हासिल की। इसके बाद उसकी दूसरी पारी 226 रन पर सिमट गई, जिससे न्यूजीलैंड को जीत के लिए 254 रन का लक्ष्य मिला। लक्ष्य का पीछा करने उतरी न्यूजीलैंड की शुरुआत भी खराब रही। दूसरे दिन का खेल समाप्त होने तक टीम 36 रन पर 3 विकेट गंवा चुकी थी। अब उसे जीत के लिए तीसरे दिन 218 रन और बनाने हैं, जबकि इंग्लैंड को 7 विकेट की जरूरत है। ओली रॉबिन्सन का फाइव विकेट हॉल इंग्लैंड के तेज गेंदबाज ओली रॉबिन्सन ने टेस्ट कमबैक पर शानदार प्रदर्शन करते हुए 4 साल में अपना पहला फाइव विकेट हॉल पूरा किया। पहले दिन 61 रन पर 6 विकेट गंवाने के बाद न्यूजीलैंड की पहली पारी को इंग्लैंड ने दूसरे दिन सुबह के पहले घंटे में समेट दिया। न्यूजीलैंड की ओर से ग्लेन फिलिप्स पिछले दिन के स्कोर में बिना कोई रन जोड़े जोश टंग की सुबह की पहली गेंद पर बोल्ड हो गए। टंग ने अगले ओवर में नाथन स्मिथ को भी आउट किया। इसके बाद गस एटकिंसन ने विल ओ’रूर्के को स्लिप में कैच कराया और रॉबिन्सन ने मैट हेनरी को बोल्ड कर पारी का अंत किया। डेब्यू मैच में एमिलियो गे ने खेली 57 रनों की पारी, कीवियों ने छोड़े कैच इंग्लैंड के लिए डेब्यू कर रहे ओपनर एमिलियो गे ने दूसरी पारी में शानदार खेल दिखाया। पहली पारी में 14 गेंदों में आउट होने वाले गे ने बेन डकेट के साथ 52 रनों की साझेदारी की। उन्होंने 84 गेंदों में अर्धशतक पूरा किया, जो 2016 में कीटन जेनिंग्स के बाद किसी इंग्लिश ओपनर का डेब्यू पर पहला अर्धशतक है। एमिलियो ने नाथन स्मिथ के एक ओवर में 16 रन बटोरे। हालांकि, न्यूजीलैंड को खराब फील्डिंग का खामियाजा भुगतना पड़ा। रचिन रवींद्र और डेवोन कॉनवे ने लगातार दूसरे दिन कैच छोड़े, जबकि डेरिल मिचेल और टॉम लैथम ने तालमेल की कमी से एक कैच टपका दिया। 11 गेंदों में गिरे इंग्लैंड के 4 विकेट, नाथन स्मिथ ने चटकाए 6 विकेट इंग्लैंड की दूसरी पारी एक समय 2 विकेट पर 126 रन बनाकर मजबूत स्थिति में थी, लेकिन एमिलियो गे (57) के आउट होते ही टीम बिखर गई। इंग्लैंड ने 11 गेंदों में 4 प्रमुख विकेट गंवाए और स्कोर 126/2 से 127/6 हो गया। हैरी ब्रूक और जो रूट एलबीडब्ल्यू (lbw) हुए, जबकि कप्तान बेन स्टोक्स बिना खाता खोले नाथन स्मिथ की गेंद पर बोल्ड हो गए। नाथन स्मिथ ने बेहतरीन गेंदबाजी करते हुए लगातार दूसरी पारी में 6 विकेट हासिल किए। नाथन स्मिथ 70 रन देकर 6 विकेट लेने के बाद मैच बॉल के साथ जश्न मनाते हुए। स्मिथ और एटकिंसन की साझेदारी ने इंग्लैंड को संभाला 6 विकेट जल्दी गिरने के बाद जेमी स्मिथ और गस एटकिंसन ने सातवें विकेट के लिए 57 रनों की महत्वपूर्ण साझेदारी की, जो मैच की अब तक की सबसे बड़ी पार्टनरशिप है। पहली पारी में खाता खोले बिना बोल्ड होने वाले जेमी स्मिथ ने इस बार सूझबूझ दिखाई और चायकाल से पहले मैट हेनरी के ओवर में चौके लगाए। एटकिंसन के आउट होने के बाद ओली रॉबिन्सन ने कुछ बड़े शॉट्स खेले और इंग्लैंड की दूसरी पारी 226 रनों पर समाप्त हुई। इससे न्यूजीलैंड को 254 रनों का टारगेट मिला। 254 रनों का पीछा करने उतरी न्यूजीलैंड की खराब शुरुआत, विलियमसन भी सस्ते में आउट लॉर्ड्स में 254 रनों का पीछा करने उतरी न्यूजीलैंड की शुरुआत बेहद खराब रही। कप्तान टॉम लैथम पारी के पहले ओवर में गस एटकिंसन की तीसरी गेंद पर हैरी ब्रूक को कैच दे बैठे। इसके बाद अपना आखिरी टेस्ट मैच खेल रहे केन विलियमसन भी ज्यादा देर नहीं टिक सके और जोश टंग की गेंद पर 18 रन बनाकर एलबीडब्ल्यू हो गए। विलियमसन ने मैच की दो पारियों में 0 और 18 रन बनाए। दिन का खेल खत्म होने से पहले नाइटवॉचर के रूप में आए विल ओ’रूर्के को एटकिंसन ने बोल्ड कर न्यूजीलैंड का स्कोर 36 रन पर 3 विकेट कर दिया। डेवोन कॉनवे 12 रन बनाकर क्रीज पर मौजूद हैं और टीम को जीत के लिए 218 रनों की दरकार है। दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
कास्टिंग स्कैम का शिकार हुई थीं श्रुति शर्मा:बोलीं- एक्ट्रेस बनने से पहले टीवी शो का झांसा देकर एक शख्स ने ₹15 हजार ठग लिए थे

‘ऑफिस-ऑफिस’ के नए सीजन में मुसद्दी लाल की बेटी ‘अनोखी’ का किरदार निभा रहीं एक्ट्रेस श्रुति शर्मा ने अपने संघर्ष, करियर और निजी जिंदगी से जुड़े कई किस्से साझा किए। प्रतापगढ़ से मुंबई तक का सफर तय करने वाली श्रुति ने दैनिक भास्कर से बातचीत में बताया कि कैसे वह कास्टिंग फ्रॉड का शिकार हुईं, पांच बार रिजेक्ट होने के बाद पहला बड़ा मौका मिला और परिवार के भरोसे इंडस्ट्री में अपनी पहचान बनाई। उन्होंने ‘हीरामंडी’, संजय लीला भंसाली, टीवी इंडस्ट्री के संघर्ष और अपने उसूलों पर भी बात की। सवाल: ‘ऑफिस-ऑफिस’ के नए सीजन का हिस्सा बनने की खबर मिलने पर कैसा लगा? जवाब: सच कहूं तो पहले मुझे यकीन नहीं हुआ। 25 साल बाद अगर कोई कहे कि ‘ऑफिस-ऑफिस’ का नया सीजन बन रहा है, तो मजाक लगता है। लेकिन दोबारा कॉल और मीटिंग के बाद एहसास हुआ कि यह सच में हो रहा है। शुरुआत में मैं काफी नर्वस थी। लग रहा था कि लोग नए शो की तुलना पुराने ‘ऑफिस-ऑफिस’ से करेंगे। यह बड़ा चैलेंज था। लेकिन निर्देशक राजन सर और पूरी कास्ट के साथ स्क्रिप्ट रीडिंग के बाद भरोसा मिला। हमें लगा कि हम अच्छा काम कर पाएंगे। सवाल: ‘ऑफिस-ऑफिस’ के सेट पर पहला दिन कैसा था? जवाब: पहले दिन सभी कलाकार उत्साहित थे। शूटिंग शुरू होने से पहले पूजा भी हुई थी, जिसमें उमेश सर और उनका परिवार शामिल हुआ था। सबसे अच्छी बात यह थी कि निर्माताओं ने शुरुआत से ही सकारात्मक माहौल बनाया था। सेट पुराने ‘ऑफिस-ऑफिस’ जैसा तैयार किया गया था। पहले दिन मैं काफी घबराई हुई थी। मेरा पहला सीन भी पहले एपिसोड का था। आज भी वह सीन देखती हूं, तो चेहरे पर नर्वसनेस दिखाई देती है। सवाल: क्या पुराने ‘ऑफिस-ऑफिस’ के कलाकार भी नए सीजन में हैं? जवाब: नहीं, पुराने कलाकारों में से कोई भी इस शो का हिस्सा नहीं है। यह हमारे लिए अच्छा रहा। अगर उनके साथ स्क्रीन शेयर करनी पड़ती, तो हम और ज्यादा नर्वस हो जाते। हालांकि, हमारे किरदार पुराने किरदारों से जुड़े हैं। जैसे मैं मुसद्दी लाल की बेटी अनोखी बनी हूं। कोई किसी का भतीजा है, कोई किसी का जीजा या साला। लेकिन कहानी और स्क्रिप्ट पूरी तरह नई है। हमने पुराने शो की नकल नहीं की। सवाल: ‘अनोखी’ का किरदार कैसा है? जवाब: मुसद्दी लाल सरकारी दफ्तरों के चक्कर लगाकर परेशान लौटते थे। लेकिन उनकी बेटी अनोखी बिल्कुल अलग है। उसकी मां ने बचपन से बताया है कि उसके पिता बहादुर और जीतने वाले इंसान थे। इसलिए अनोखी को लगता है कि वह भी हर लड़ाई जीत सकती है। वह मुश्किलों का सामना करती है, कई बार फंसती है, लेकिन हार नहीं मानती। हर एपिसोड के अंत में वह अपना काम निकलवा लेती है और सामने वाले को सबक भी सिखाती है। चाहे उसे साम, दाम, दंड या भेद, कोई भी तरीका अपनाना पड़े। सवाल: अनोखी की कमजोरियां क्या हैं? जवाब: अनोखी कोई आदर्शवादी किरदार नहीं है। वह मानवीय है और उसमें कमियां भी हैं। अगर उसे लगता है कि किसी काम के लिए शॉर्टकट अपनाना पड़ेगा, तो वह पीछे नहीं हटती। कई बार वह पैसे देकर काम करवाने की कोशिश करती है और बाद में ठगी का शिकार हो जाती है। कई एपिसोड में वह दूसरों को चकमा भी देती है। यही बात उसके किरदार को दिलचस्प बनाती है। सवाल: क्या आपके साथ भी कभी कोई स्कैम हुआ है? जवाब: जी हां, मेरे साथ भी धोखाधड़ी हुई है। मुंबई आने की तैयारी के दौरान मुझे एक फोन आया। सामने वाले ने खुद को कास्टिंग डायरेक्टर बताया और कहा कि मुझे एक टीवी शो के लिए चुना गया है। उसने रजिस्ट्रेशन के नाम पर 10 से 15 हजार रुपए मांगे। उस समय मैं स्कूल में पढ़ाती थी और मेहनत से पैसे जमा कर रही थी। मैंने पैसे भेज दिए, लेकिन बाद में उसका फोन बंद हो गया और वह गायब हो गया। उस समय मैं बहुत रोई थी। मेरी तनख्वाह सिर्फ तीन हजार रुपए थी और मैंने मुश्किल से वह रकम जुटाई थी। सवाल: क्या आपने उसी समय तय कर लिया था कि एक्टिंग करनी है? जवाब: जी हां। मेरे पिता शुरू में इसके खिलाफ थे। उनका मानना था कि लड़कियों के लिए यह इंडस्ट्री सुरक्षित नहीं है। उन्हें मनाने में काफी समय लगा। मैंने 2016 में एक नाटक लिखा था। भाई के साथ उसकी कास्टिंग, रिहर्सल और मंचन किया। लोगों को वह नाटक पसंद आया। इसके बाद परिवार को भरोसा हुआ कि मैं अभिनय के क्षेत्र में कुछ कर सकती हूं। इसके बाद मैंने मुंबई आने का फैसला कर लिया। सवाल: मुंबई आने का फैसला कैसे लिया? परिवार का क्या रिएक्शन था? जवाब: उस नाटक के बाद मुंबई आने का फैसला मैंने लगभग कर लिया था, लेकिन पापा को सीधे नहीं बताया था। मेरी ट्रेन अगले दिन थी और उस रात मम्मी व भाई ने उन्हें समझाया। शुरुआत में वे हैरान थे, लेकिन आखिरकार मान गए। पूरा परिवार मुझे छोड़ने स्टेशन आया था। वह पल भावुक था। सवाल: मुंबई आने के बाद शुरुआत कैसी रही? जवाब: मुंबई आने के बाद मैं अंधेरी ईस्ट के चकाला इलाके में तीन लड़कियों के साथ छोटे किराए के घर में रहती थी। यह मेरे लिए नया अनुभव था। 26 अक्टूबर 2017 को मैं मुंबई आई और 28 अक्टूबर को ही ‘इंडियाज नेक्स्ट सुपरस्टार’ के ऑडिशन का फोन आ गया। मैंने ऑडिशन दिया और शॉर्टलिस्ट हो गई। इसके बाद दो महीने तक वर्कशॉप चली। हालांकि, मुझे पांच बार रिजेक्ट किया गया। एक समय मैं निराश होकर लखनऊ लौट गई। लेकिन जिस दिन मैं वहां पहुंची, उसी दिन फोन आया कि मेरा चयन हो गया है और मुझे वापस मुंबई आना होगा। पैसे नहीं थे, इसलिए उन्होंने मेरी टिकट करवाई और वहीं से करियर की शुरुआत हुई। सवाल: संघर्ष के दिनों में आपका प्लान क्या था? जवाब: मेरे पिताजी ने मुझे दो साल का समय दिया था। उन्होंने कहा था कि अगर दो साल में कुछ नहीं हुआ, तो वापस आकर शादी करनी होगी। मैंने सोच रखा था कि अगर अभिनय से काम नहीं मिला, तो नौकरी कर लूंगी। मैं पहले से पढ़ाती थी, इसलिए भरोसा था कि किसी स्कूल या संस्थान में काम मिल
कास्टिंग स्कैम का शिकार हुई थीं श्रुति शर्मा:बोलीं- एक्ट्रेस बनने से पहले टीवी शो का झांसा देकर एक शख्स ने ₹15 हजार ठग लिए थे

‘ऑफिस-ऑफिस’ के नए सीजन में मुसद्दी लाल की बेटी ‘अनोखी’ का किरदार निभा रहीं एक्ट्रेस श्रुति शर्मा ने अपने संघर्ष, करियर और निजी जिंदगी से जुड़े कई किस्से साझा किए। प्रतापगढ़ से मुंबई तक का सफर तय करने वाली श्रुति ने दैनिक भास्कर से बातचीत में बताया कि कैसे वह कास्टिंग फ्रॉड का शिकार हुईं, पांच बार रिजेक्ट होने के बाद पहला बड़ा मौका मिला और परिवार के भरोसे इंडस्ट्री में अपनी पहचान बनाई। उन्होंने ‘हीरामंडी’, संजय लीला भंसाली, टीवी इंडस्ट्री के संघर्ष और अपने उसूलों पर भी बात की। सवाल: ‘ऑफिस-ऑफिस’ के नए सीजन का हिस्सा बनने की खबर मिलने पर कैसा लगा? जवाब: सच कहूं तो पहले मुझे यकीन नहीं हुआ। 25 साल बाद अगर कोई कहे कि ‘ऑफिस-ऑफिस’ का नया सीजन बन रहा है, तो मजाक लगता है। लेकिन दोबारा कॉल और मीटिंग के बाद एहसास हुआ कि यह सच में हो रहा है। शुरुआत में मैं काफी नर्वस थी। लग रहा था कि लोग नए शो की तुलना पुराने ‘ऑफिस-ऑफिस’ से करेंगे। यह बड़ा चैलेंज था। लेकिन निर्देशक राजन सर और पूरी कास्ट के साथ स्क्रिप्ट रीडिंग के बाद भरोसा मिला। हमें लगा कि हम अच्छा काम कर पाएंगे। सवाल: ‘ऑफिस-ऑफिस’ के सेट पर पहला दिन कैसा था? जवाब: पहले दिन सभी कलाकार उत्साहित थे। शूटिंग शुरू होने से पहले पूजा भी हुई थी, जिसमें उमेश सर और उनका परिवार शामिल हुआ था। सबसे अच्छी बात यह थी कि निर्माताओं ने शुरुआत से ही सकारात्मक माहौल बनाया था। सेट पुराने ‘ऑफिस-ऑफिस’ जैसा तैयार किया गया था। पहले दिन मैं काफी घबराई हुई थी। मेरा पहला सीन भी पहले एपिसोड का था। आज भी वह सीन देखती हूं, तो चेहरे पर नर्वसनेस दिखाई देती है। सवाल: क्या पुराने ‘ऑफिस-ऑफिस’ के कलाकार भी नए सीजन में हैं? जवाब: नहीं, पुराने कलाकारों में से कोई भी इस शो का हिस्सा नहीं है। यह हमारे लिए अच्छा रहा। अगर उनके साथ स्क्रीन शेयर करनी पड़ती, तो हम और ज्यादा नर्वस हो जाते। हालांकि, हमारे किरदार पुराने किरदारों से जुड़े हैं। जैसे मैं मुसद्दी लाल की बेटी अनोखी बनी हूं। कोई किसी का भतीजा है, कोई किसी का जीजा या साला। लेकिन कहानी और स्क्रिप्ट पूरी तरह नई है। हमने पुराने शो की नकल नहीं की। सवाल: ‘अनोखी’ का किरदार कैसा है? जवाब: मुसद्दी लाल सरकारी दफ्तरों के चक्कर लगाकर परेशान लौटते थे। लेकिन उनकी बेटी अनोखी बिल्कुल अलग है। उसकी मां ने बचपन से बताया है कि उसके पिता बहादुर और जीतने वाले इंसान थे। इसलिए अनोखी को लगता है कि वह भी हर लड़ाई जीत सकती है। वह मुश्किलों का सामना करती है, कई बार फंसती है, लेकिन हार नहीं मानती। हर एपिसोड के अंत में वह अपना काम निकलवा लेती है और सामने वाले को सबक भी सिखाती है। चाहे उसे साम, दाम, दंड या भेद, कोई भी तरीका अपनाना पड़े। सवाल: अनोखी की कमजोरियां क्या हैं? जवाब: अनोखी कोई आदर्शवादी किरदार नहीं है। वह मानवीय है और उसमें कमियां भी हैं। अगर उसे लगता है कि किसी काम के लिए शॉर्टकट अपनाना पड़ेगा, तो वह पीछे नहीं हटती। कई बार वह पैसे देकर काम करवाने की कोशिश करती है और बाद में ठगी का शिकार हो जाती है। कई एपिसोड में वह दूसरों को चकमा भी देती है। यही बात उसके किरदार को दिलचस्प बनाती है। सवाल: क्या आपके साथ भी कभी कोई स्कैम हुआ है? जवाब: जी हां, मेरे साथ भी धोखाधड़ी हुई है। मुंबई आने की तैयारी के दौरान मुझे एक फोन आया। सामने वाले ने खुद को कास्टिंग डायरेक्टर बताया और कहा कि मुझे एक टीवी शो के लिए चुना गया है। उसने रजिस्ट्रेशन के नाम पर 10 से 15 हजार रुपए मांगे। उस समय मैं स्कूल में पढ़ाती थी और मेहनत से पैसे जमा कर रही थी। मैंने पैसे भेज दिए, लेकिन बाद में उसका फोन बंद हो गया और वह गायब हो गया। उस समय मैं बहुत रोई थी। मेरी तनख्वाह सिर्फ तीन हजार रुपए थी और मैंने मुश्किल से वह रकम जुटाई थी। सवाल: क्या आपने उसी समय तय कर लिया था कि एक्टिंग करनी है? जवाब: जी हां। मेरे पिता शुरू में इसके खिलाफ थे। उनका मानना था कि लड़कियों के लिए यह इंडस्ट्री सुरक्षित नहीं है। उन्हें मनाने में काफी समय लगा। मैंने 2016 में एक नाटक लिखा था। भाई के साथ उसकी कास्टिंग, रिहर्सल और मंचन किया। लोगों को वह नाटक पसंद आया। इसके बाद परिवार को भरोसा हुआ कि मैं अभिनय के क्षेत्र में कुछ कर सकती हूं। इसके बाद मैंने मुंबई आने का फैसला कर लिया। सवाल: मुंबई आने का फैसला कैसे लिया? परिवार का क्या रिएक्शन था? जवाब: उस नाटक के बाद मुंबई आने का फैसला मैंने लगभग कर लिया था, लेकिन पापा को सीधे नहीं बताया था। मेरी ट्रेन अगले दिन थी और उस रात मम्मी व भाई ने उन्हें समझाया। शुरुआत में वे हैरान थे, लेकिन आखिरकार मान गए। पूरा परिवार मुझे छोड़ने स्टेशन आया था। वह पल भावुक था। सवाल: मुंबई आने के बाद शुरुआत कैसी रही? जवाब: मुंबई आने के बाद मैं अंधेरी ईस्ट के चकाला इलाके में तीन लड़कियों के साथ छोटे किराए के घर में रहती थी। यह मेरे लिए नया अनुभव था। 26 अक्टूबर 2017 को मैं मुंबई आई और 28 अक्टूबर को ही ‘इंडियाज नेक्स्ट सुपरस्टार’ के ऑडिशन का फोन आ गया। मैंने ऑडिशन दिया और शॉर्टलिस्ट हो गई। इसके बाद दो महीने तक वर्कशॉप चली। हालांकि, मुझे पांच बार रिजेक्ट किया गया। एक समय मैं निराश होकर लखनऊ लौट गई। लेकिन जिस दिन मैं वहां पहुंची, उसी दिन फोन आया कि मेरा चयन हो गया है और मुझे वापस मुंबई आना होगा। पैसे नहीं थे, इसलिए उन्होंने मेरी टिकट करवाई और वहीं से करियर की शुरुआत हुई। सवाल: संघर्ष के दिनों में आपका प्लान क्या था? जवाब: मेरे पिताजी ने मुझे दो साल का समय दिया था। उन्होंने कहा था कि अगर दो साल में कुछ नहीं हुआ, तो वापस आकर शादी करनी होगी। मैंने सोच रखा था कि अगर अभिनय से काम नहीं मिला, तो नौकरी कर लूंगी। मैं पहले से पढ़ाती थी, इसलिए भरोसा था कि किसी स्कूल या संस्थान में काम मिल
Gold Silver Prices Drop | Economy GDP Growth 7.7%

Hindi News Business Gold Silver Prices Drop | Economy GDP Growth 7.7% | RBI Inflation Forecast नई दिल्ली6 मिनट पहले कॉपी लिंक कल की बड़ी खबर महंगाई से जुड़ी रही। रिजर्व बैंक ने नए वित्त वर्ष की दूसरी मीटिंग में रेपो रेट में बदलाव नहीं किया है। इसे 5.25% पर बरकरार रखा है। इससे लोन महंगे नहीं होंगे और EMI नहीं बढ़ेगी। वहीं 2027 में महंगाई के अनुमान को 4.6% से बढ़ाकर 5.1% कर दिया है। वहीं, देश की अर्थव्यवस्था ने वित्त वर्ष 2025-26 में उम्मीद से बेहतर प्रदर्शन किया। पूरे साल जीडीपी ग्रोथ 7.7% रही, जो सरकार के फरवरी में लगाए गए 7.6% के अनुमान से ज्यादा है। कल की बड़ी खबर से पहले आज की ये सुर्खियां… शेयर बाजार में आज बंद रहेगा। पेट्रोल-डीजल की कीमत में आज कोई बदलाव नहीं हुआ। अब कल की बड़ी खबरें पढ़ें… 1. रिजर्व बैंक ने इस साल महंगाई बढ़ने का अंदेशा जताया: GDP ग्रोथ अनुमान भी 6.9% से घटाकर 6.6%; रेपो रेट नहीं बदला, इसलिए लोन महंगे नहीं रिजर्व बैंक ने नए वित्त वर्ष की दूसरी मीटिंग में रेपो रेट में बदलाव नहीं किया है। इसे 5.25% पर बरकरार रखा है। इससे लोन महंगे नहीं होंगे और EMI नहीं बढ़ेगी। वहीं 2027 में महंगाई के अनुमान को 4.6% से बढ़ाकर 5.1% कर दिया है। RBI गवर्नर संजय मल्होत्रा ने आज 5 जून को इसकी जानकारी दी। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 2. चांदी एक दिन में ₹4180, सोना ₹1848 सस्ता: 1kg चांदी ₹2.57 लाख, 10g सोना ₹1.54 लाख का हुआ, जानें अपने शहर के दाम सोने-चांदी की कीमतों में 5 जून को गिरावट रही। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के मुताबिक, एक किलो चांदी 4,180 रुपए घटकर 2.57 लाख रुपए पर आ गई है, जो गुरुवार को 2.61 लाख रुपए पर थी। वहीं, 10 ग्राम 24 कैरेट सोना 1,848 रुपए घटकर 1.54 लाख रुपए आ गया है। इससे पहले 4 जून को यह 1.56 लाख पर था। सोना ऑल टाइम हाई से 127 दिन में 21,883 रुपए और चांदी 1.29 लाख रुपए सस्ती हुई है। 29 जनवरी को सोना ₹1.76 लाख/10 ग्राम और चांदी ₹3.86 लाख/किलो थी। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 3. इस साल 7.7% की दर से बढ़ी इकोनॉमी: पिछले साल 7.1% की दर से बढ़ी थी, अगले साल 6.6% रह सकती है GDP ग्रोथ देश की अर्थव्यवस्था ने वित्त वर्ष 2025-26 में उम्मीद से बेहतर प्रदर्शन किया। पूरे साल जीडीपी ग्रोथ 7.7% रही, जो सरकार के फरवरी में लगाए गए 7.6% के अनुमान से ज्यादा है। पिछले वित्त वर्ष 2024-25 में GDP दर 7.1% रही थी। हालांकि, सरकार का अनुमान है कि अगले वित्त वर्ष में आर्थिक वृद्धि की रफ्तार घटकर 6.6% रह सकती है। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 4. रुपया डॉलर के मुकाबले 81 पैसे मजबूत हुआ: RBI पॉलिसी के बाद ₹94.93 पर हुआ बंद; रेपो रेट 5.25% पर बरकरार रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) की मॉनेटरी पॉलिसी कमेटी की बैठक के नतीजों के बाद शुक्रवार को भारतीय करेंसी में तेजी देखने को मिली। अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपया 81 पैसे की बढ़त के साथ 94.93 के स्तर पर बंद हुआ। केंद्रीय बैंक द्वारा विदेशी पूंजी के इनफ्लो (आगमन) को बढ़ाने और फॉरेक्स लिक्विडिटी को मजबूत करने के लिए उठाए गए कदमों से बाजार का सेंटिमेंट सुधरा है। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 5. इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन में हवा का रिसाव: नासा ने एस्ट्रोनॉट्स को स्पेस क्राफ्ट में छिपने को कहा, इमरजेंसी में वापस लाने की तैयारी इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन (ISS) में हवा का रिसाव बढ़ने के बाद नासा ने तुरंत एक्शन लिया और एस्ट्रोनॉट्स को स्पेसक्राफ्ट में छिपने और सुरक्षित निकलने (इवैक्युएशन) के लिए तैयार रहने का आदेश दिया। हालांकि, करीब दो घंटे की मशक्कत और जांच के बाद स्थिति नियंत्रण में देखकर इस आदेश को वापस ले लिया गया। स्पेस स्टेशन के 27 साल के इतिहास में इस तरह के अलर्ट बेहद दुर्लभ माने जाते हैं। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… दुनिया के टॉप-10 सबसे अमीर कौन रहे यह भी देख लीजिए… कल के शेयर बाजार और सोना-चांदी का हाल जान लीजिए… पेट्रोल-डीजल और घरेलू गैस सिलेंडर की लेटेस्ट कीमत जान लीजिए… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
Gold Silver Prices Drop | Economy GDP Growth 7.7%

Hindi News Business Gold Silver Prices Drop | Economy GDP Growth 7.7% | RBI Inflation Forecast नई दिल्ली22 मिनट पहले कॉपी लिंक कल की बड़ी खबर महंगाई से जुड़ी रही। रिजर्व बैंक ने नए वित्त वर्ष की दूसरी मीटिंग में रेपो रेट में बदलाव नहीं किया है। इसे 5.25% पर बरकरार रखा है। इससे लोन महंगे नहीं होंगे और EMI नहीं बढ़ेगी। वहीं 2027 में महंगाई के अनुमान को 4.6% से बढ़ाकर 5.1% कर दिया है। वहीं, देश की अर्थव्यवस्था ने वित्त वर्ष 2025-26 में उम्मीद से बेहतर प्रदर्शन किया। पूरे साल जीडीपी ग्रोथ 7.7% रही, जो सरकार के फरवरी में लगाए गए 7.6% के अनुमान से ज्यादा है। कल की बड़ी खबर से पहले आज की ये सुर्खियां… शेयर बाजार में आज बंद रहेगा। पेट्रोल-डीजल की कीमत में आज कोई बदलाव नहीं हुआ। अब कल की बड़ी खबरें पढ़ें… 1. रिजर्व बैंक ने इस साल महंगाई बढ़ने का अंदेशा जताया: GDP ग्रोथ अनुमान भी 6.9% से घटाकर 6.6%; रेपो रेट नहीं बदला, इसलिए लोन महंगे नहीं रिजर्व बैंक ने नए वित्त वर्ष की दूसरी मीटिंग में रेपो रेट में बदलाव नहीं किया है। इसे 5.25% पर बरकरार रखा है। इससे लोन महंगे नहीं होंगे और EMI नहीं बढ़ेगी। वहीं 2027 में महंगाई के अनुमान को 4.6% से बढ़ाकर 5.1% कर दिया है। RBI गवर्नर संजय मल्होत्रा ने आज 5 जून को इसकी जानकारी दी। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 2. चांदी एक दिन में ₹4180, सोना ₹1848 सस्ता: 1kg चांदी ₹2.57 लाख, 10g सोना ₹1.54 लाख का हुआ, जानें अपने शहर के दाम सोने-चांदी की कीमतों में 5 जून को गिरावट रही। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के मुताबिक, एक किलो चांदी 4,180 रुपए घटकर 2.57 लाख रुपए पर आ गई है, जो गुरुवार को 2.61 लाख रुपए पर थी। वहीं, 10 ग्राम 24 कैरेट सोना 1,848 रुपए घटकर 1.54 लाख रुपए आ गया है। इससे पहले 4 जून को यह 1.56 लाख पर था। सोना ऑल टाइम हाई से 127 दिन में 21,883 रुपए और चांदी 1.29 लाख रुपए सस्ती हुई है। 29 जनवरी को सोना ₹1.76 लाख/10 ग्राम और चांदी ₹3.86 लाख/किलो थी। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 3. इस साल 7.7% की दर से बढ़ी इकोनॉमी: पिछले साल 7.1% की दर से बढ़ी थी, अगले साल 6.6% रह सकती है GDP ग्रोथ देश की अर्थव्यवस्था ने वित्त वर्ष 2025-26 में उम्मीद से बेहतर प्रदर्शन किया। पूरे साल जीडीपी ग्रोथ 7.7% रही, जो सरकार के फरवरी में लगाए गए 7.6% के अनुमान से ज्यादा है। पिछले वित्त वर्ष 2024-25 में GDP दर 7.1% रही थी। हालांकि, सरकार का अनुमान है कि अगले वित्त वर्ष में आर्थिक वृद्धि की रफ्तार घटकर 6.6% रह सकती है। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 4. रुपया डॉलर के मुकाबले 81 पैसे मजबूत हुआ: RBI पॉलिसी के बाद ₹94.93 पर हुआ बंद; रेपो रेट 5.25% पर बरकरार रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) की मॉनेटरी पॉलिसी कमेटी की बैठक के नतीजों के बाद शुक्रवार को भारतीय करेंसी में तेजी देखने को मिली। अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपया 81 पैसे की बढ़त के साथ 94.93 के स्तर पर बंद हुआ। केंद्रीय बैंक द्वारा विदेशी पूंजी के इनफ्लो (आगमन) को बढ़ाने और फॉरेक्स लिक्विडिटी को मजबूत करने के लिए उठाए गए कदमों से बाजार का सेंटिमेंट सुधरा है। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… 5. इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन में हवा का रिसाव: नासा ने एस्ट्रोनॉट्स को स्पेस क्राफ्ट में छिपने को कहा, इमरजेंसी में वापस लाने की तैयारी इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन (ISS) में हवा का रिसाव बढ़ने के बाद नासा ने तुरंत एक्शन लिया और एस्ट्रोनॉट्स को स्पेसक्राफ्ट में छिपने और सुरक्षित निकलने (इवैक्युएशन) के लिए तैयार रहने का आदेश दिया। हालांकि, करीब दो घंटे की मशक्कत और जांच के बाद स्थिति नियंत्रण में देखकर इस आदेश को वापस ले लिया गया। स्पेस स्टेशन के 27 साल के इतिहास में इस तरह के अलर्ट बेहद दुर्लभ माने जाते हैं। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें… दुनिया के टॉप-10 सबसे अमीर कौन रहे यह भी देख लीजिए… कल के शेयर बाजार और सोना-चांदी का हाल जान लीजिए… पेट्रोल-डीजल और घरेलू गैस सिलेंडर की लेटेस्ट कीमत जान लीजिए… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
Indian Boxers Meenakshi & Jasmine World No. 1

Hindi News Career Indian Boxers Meenakshi & Jasmine World No. 1 | Economist Neelkanth World Bank ED 8 मिनट पहले कॉपी लिंक आज के प्रमुख करेंट अफेयर्स, जो सरकारी नौकरियों की तैयारी कर रहे स्टूडेंट्स के लिए जरूरी हैं- इंटरनेशनल (INTERNATIONAL) 1. नीलकंठ मिश्रा वर्ल्ड बैंक के एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर बने 5 जून को भारत के प्रमुख अर्थशास्त्री नीलकंठ मिश्रा वर्ल्ड बैंक में भारत के नए एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर अपॉइंट हुए। नीलकंठ तीन साल तक एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर के पद पर रहेंगे। नीलकंठ ने परमेश्वरन अय्यर की जगह ली है। नीलकंठ ने 1997 में हिंदुस्तान लीवर में सिस्टम मैनेजर के तौर पर अपने करियर की शुरुआत की थी। 2000 से 2023 तक नीलकंठ इंफोसिस में सीनियर टेक्निकल आर्किटेक्ट समेत कई अलग-अलग संस्थानों में अलग-अलग पदों पर रहे। 2020 में नीलकंठ PM इकोनॉमिक एड्वाइजरी काउंसिल और टेलिकॉम रेगुलेटरी अथॉरिटी ऑफ इंडिया (TRAI) के मेंबर रहे। नीलकंठ 15वें और 16वें वित्त आयोग के सलाहकार भी रह चुके हैं। 2023 से अब तक नीलकंठ एक्सिस बैंक में चीफ इकोनॉमिस्ट थे। नीलकंठ एक्सिस बैंक में फुल टाइम डायरेक्टर भी रहे। वर्ल्ड बैंक वर्ल्ड बैंक में बोर्ड वर्ल्ड बैंक के लोन ऑपरेशंस, डेवलपमेंट प्रोजेक्ट्स, फाइनेंशियल पॉलिसी और गवर्नेंस से जुड़े फैसलों की निगरानी करता है। वर्ल्ड बैंक ग्रुप में 25 एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर होते हैं, जो इसके बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स का हिस्सा बनते हैं। ये डायरेक्टर्स वर्ल्ड बैंक के 189 सदस्य देशों का प्रतिनिधित्व करते हैं। भारत के एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर के पास आमतौर पर भारत के साथ-साथ बांग्लादेश, भूटान और श्रीलंका जैसे पड़ोसी देशों का प्रतिनिधित्व करने की भी जिम्मेदारी होती है। ये पद वैश्विक मंच पर देश की आर्थिक कूटनीति, इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए फंड जुटाने और विकास नीतियों को तय करने के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है। वर्ल्ड बैंक (World Bank) जुलाई 1944 में संयुक्त राष्ट्र मौद्रिक और वित्तीय सम्मेलन (ब्रेटन वुड्स सम्मेलन) के दौरान स्थापित किया गया था। वर्ल्ड बैंक ने अपना आधिकारिक काम जून 1946 में शुरू किया था। वर्ल्ड बैंक का हेडक्वार्टर वाशिंगटन डीसी, USA में है। नीलकंठ मिश्रा ने IIT कानपुर से इंजीनियरिंग की है। स्पोर्ट्स (SPORTS) 3. वर्ल्ड नंबर 1 बॉक्सर बनीं मीनाक्षी और जैस्मिन 5 जून को भारत की महिला बॉक्सर मीनाक्षी हुड्डा और जैसमीन लंबोरिया वर्ल्ड नंबर 1 बॉक्सर बनीं। वर्ल्ड बॉक्सिंग रैंकिंग में मीनाक्षी और जैसमीन ने अपनी-अपनी कैटेगरी में ये रैंकिंग हासिल की। मीनाक्षी ने 48 किग्रा कैटेगरी में और जैस्मीन लांबोरिया ने 57 किग्रा कैटेगरी में ये वर्ल्ड नंबर-1 रैंकिंग हासिल की है। IBA की इस रैंकिंग में टॉप-10 महिला बॉक्सर में से 9 कैटेगरी में 10 भारतीय शामिल हैं। भारत वर्तमान में वर्ल्ड बॉक्सिंग टॉप- 10 रैंकिंग में दुनिया में तीसरे नंबर पर है। इंटरनेशनल बॉक्सिंग एसोसिएशन (IBA) ये रैंकिंग जारी की है। इसमें भारतीय महिला मुक्केबाजों ने शानदार प्रदर्शन किया है। जैस्मीन ने हाल के अंतर्राष्ट्रीय टूर्नामेंटों में लगातार पदक जीतकर यह मुकाम पाया है। भारतीय मुक्केबाज अब आगामी एशियाई खेलों और विश्व चैंपियनशिप के लिए मुख्य दावेदार बन गए हैं। मीनाक्षी ने 2025 में वर्ल्ड बॉक्सिंग चैंपियनशिप में 48 किग्रा कैटेगरी में गोल्ड मेडल जीता था। 2025 में जैसमीन लंबोरिया ने 57 किग्रा कैटेगरी में वर्ल्ड बॉक्सिंग चैंपियनशिप में गोल्ड मेडल जीता था। ये पहली बार है जब दो इंडियन बॉक्सर को एक साथ टॉप रैंकिंग मिली है। निधन (DEATH) 4. पूर्व सेक्रेटरी जनरल डॉ. सुभाष सी. कश्यप का निधन हुआ 4 जून को पूर्व लोकसभा सेक्रेटरी जनरल सुभाष सी. कश्यप का निधन हो गया। वे 97 साल के थे। 1983 से 1990 तक लोकसभा के महासचिव के रूप में कार्य किया। वे एक पत्रकार, वकील और यूनिवर्सिटी प्रोफेसर भी रहे। डॉ. कश्यप भारत सरकार के लिए पंचायती राज कानूनों और संस्थाओं के मानद संवैधानिक सलाहकार भी थे। डॉ. कश्यप जिनेवा में इंटर पार्लियामेंट्री यूनियन (IPU) डॉक्युमेंट्स को लीड करने वाले पहले भारतीय थे। 2015 में पब्लिक अफेयर्स और इंस्टीट्यूशनल स्टडी में योगदान के लिए उन्हें पद्म भूषण से सम्मानित किया गया था। 2023-24 में डॉ. कश्यप पूर्व राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद की अध्यक्षता वाली वन नेशन, वन इलेक्शन कमेटी का भी हिस्सा थे। डॉ. कश्यप ने अपने करियर में कॉन्स्टिट्यूशनल लॉ और पार्लियामेंट अफेयर्स पर 100 से ज्यादा किताबें और 500 से ज्यादा रिसर्च पेपर लिखे। डॉ. कश्यप लंबे वक्त तक भारतीय राष्ट्रीय बार एसोसिएशन (INBA) के अध्यक्ष रहे। मिसलीनियस (MISCELLENEOUS) 5. शोको इशिकावा भारत में UN Women की नई प्रतिनिधि बनीं 5 जून को शोको इशिकावा भारत में यूनाइटेड नेशन वुमन ऑर्गेनाइजेशन (UN Women) की नई कंट्री रिप्रेजेंटेटिव अपॉइंट हुईं। इशिकावा भारत में संयुक्त राष्ट्र महिला की प्रतिनिधि के तौर पर काम करेंगी। 4 जून को उन्होंने नई दिल्ली में भारत के विदेश मंत्रालय को अपने परिचय-पत्र ((क्रेडेंशियल) ) प्रस्तुत किए। इशिकावा ने अप्रैल 2026 में यह पद संभाला और हाल ही में नई दिल्ली में भारत के विदेश मंत्रालय को अपने परिचय-पत्र (Credentials) प्रस्तुत किए। इशिकावा बांग्लादेश और वियतनाम में UN वुमन कंट्री रिप्रेजेंटर के तौर पर भी काम कर चुकी हैं। इशिकावा भारत में महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण और सुरक्षा के लिए प्राथमिकता से काम करेंगी। UN Women UN Women यूनाइटेड नेशन की एक ऐसी इकाई है, जो जेंडर इक्वालिटी और महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए काम करती है। इशिकावा भारत में संयुक्त राष्ट्र महिला की प्रतिनिधि के तौर पर काम करेंगी। 6. नेपाल के विदेश मंत्री शिशिर खनाल भारत यात्रा पर आए नेपाल के विदेश मंत्री शिशिर खनाल 5 से 7 जून तक भारत की ऑफिशियल पर भारत आए हैं। ये नेपाल की नई सरकार के बनने के बाद भारत की पहली मंत्री-स्तरीय यात्रा है। शिशिर की ये यात्रा विदेश मंत्री एस जयशंकर के निमंत्रण पर हो रही है। इस यात्रा के दौरान नई दिल्ली में बैठक होगी और वार्ता में व्यापार, निवेश, ऊर्जा सहयोग, कनेक्टिविटी, लोगों के बीच संबंधों को मजबूत करने पर चर्चा होगी। इस बैठक में हायड्रो पावर प्रोजेक्ट पर भी बात हो सकती है। साथ ही सुरक्षा और ट्रांजिट समझौतों की समीक्षा भी इस यात्रा का हिस्सा हो सकती है नेपाल भारत के लिए एक महत्वपूर्ण पड़ोसी है, जिसके साथ सदियों पुराने सांस्कृतिक और व्यापारिक संबंध हैं। विदेश मंत्री शिशिर खनाल की ये भारत यात्रा नेवरहुड फर्स्ट पॉलिसी का हिस्सा है। आज का इतिहास 1944 में द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान, अमेरिका, ब्रिटेन और
ईरान बोला- दोबारा जंग नहीं चाहते:लेकिन हमला हुआ तो पूरी ताकत से जवाब देंगे; अमेरिका ने ईरान पर नए प्रतिबंध लगाए

ईरान ने कहा है कि वह किसी नए युद्ध की शुरुआत नहीं करना चाहता, लेकिन उस पर हमला हुआ तो वह पूरी ताकत से जवाब देगा। ईरानी न्यूज एजेंसी तस्नीम के मुताबिक, विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने कहा कि ईरान का रुख पूरी तरह स्पष्ट है। देश पर किसी भी तरह का हमला या दबाव डाला गया तो तेहरान अपनी संप्रभुता और राष्ट्रीय हितों की रक्षा के लिए जरूरी कदम उठाएगा। उधर, ट्रम्प प्रशासन ने ईरान के ऊर्जा और बैंकिंग सेक्टर को निशाना बनाते हुए नए प्रतिबंध लगाए हैं। अमेरिकी ट्रेजरी विभाग ने कहा कि उसने ऐसे नेटवर्क पर कार्रवाई की है, जो दक्षिण और पूर्वी एशिया में करोड़ों डॉलर मूल्य की ईरानी LPG बेच रहा था। अमेरिका का आरोप है कि ईरानी गैस को जानबूझकर ओमान की LPG बताकर बेचा जा रहा था, ताकि उसकी असली पहचान छिपाई जा सके। कुल 12 संस्थाओं पर प्रतिबंध लगाए गए हैं। इनमें 5 कंपनियां मार्शल आइलैंड्स, 4 संयुक्त अरब अमीरात (UAE) और 1 चीन में स्थित हैं। इसके अलावा 6 जहाजों पर भी कार्रवाई की गई है, जिनमें 4 पनामा-फ्लैग्ड टैंकर शामिल हैं। पिछले 24 घंटे के 5 बड़े अपडेट्स… ईरान जंग से जुड़े अपडेट्स के लिए नीचे ब्लॉग से गुजर जाइए…
Manoj Bajpayee on Latecomers & Stardom

17 मिनट पहलेलेखक: आशीष तिवारी कॉपी लिंक मनोज बाजपेयी अपनी दमदार एक्टिंग और बेबाक अंदाज के लिए जाने जाते हैं। फिल्म ‘गवर्नर: द साइलेंट सेवियर’ को लेकर दैनिक भास्कर से बातचीत में उन्होंने करियर, फिल्मों और रैपिड फायर राउंड में दिलचस्प जवाब दिए। भारत की सबसे बड़ी ताकत, स्टारडम की परिभाषा, फाइनेंशियल आदतों और पसंदीदा खाने तक, मनोज ने कई सवालों के जवाब सहज अंदाज में दिए। पढ़िए, रैपिड फायर राउंड में मनोज बाजपेयी के जवाब। सवाल: अगर एक शब्द में भारत को समझाना हो तो क्या कहेंगे? जवाब: विविधता सवाल: पावर या पीस? जवाब: पीस हमेशा। सवाल: ओटीटी या बिग स्क्रीन? जवाब:बिग स्क्रीन सवाल: कौन-सा किरदार आपको सबसे ज्यादा डराने वाला लगा? जवाब: गली गुलियां फिल्म ‘गली गुलियां’ के किरदार में गहराई से उतरने और उसका तनाव महसूस करने के कारण मनोज बाजपेयी असल जिंदगी में मानसिक संतुलन खोने की कगार पर पहुंच गए थे। सवाल: आपकी एक फाइनेंशियल आदत क्या है? जवाब: मैं और मेरा परिवार अपनी जरूरतें नहीं बढ़ाते। जितना जरूरी हो, उतना ही खर्च करते हैं। सवाल: बिहार की कौन-सी बात दुनिया को सीखनी चाहिए? जवाब: रिश्तों में अपनापन और अपनी जड़ों से जुड़े रहना। सवाल: आपका कम्फर्ट फूड क्या है? जवाब: दाल-चावल और परवल की भुजिया सवाल: स्टारडम को एक शब्द में कैसे बताएंगे? जवाब: अननेसेसरी सवाल: कौन-सी चीज आपको सबसे ज्यादा परेशान करती है? जवाब: जब लोग समय पर नहीं आते सवाल: कौन-से कलाकार आपको अंडररेटेड लगते हैं? जवाब: केके मेनन, विजय राज, रघुवीर यादव और नवाजुद्दीन सिद्दीकी जैसे कलाकार शानदार हैं। मुझे लगता है कि कई कलाकारों की प्रतिभा का सही इस्तेमाल नहीं हुआ। ____________________________________ मनोज बाजपेयी का यह इंटरव्यू भी पढ़ें… पीएम को सलाह देने के सवाल पर मनोज बाजपेयी बोले:मैं इन सब चक्करों में नहीं पड़ता, हर व्यक्ति की अपनी जिम्मेदारी और विशेषज्ञता होती है फिल्म ‘गवर्नर: द साइलेंट सेवियर’ के प्रमोशन के दौरान अभिनेता मनोज बाजपेयी ने राजनीति और नेतृत्व से जुड़े सवाल पर संतुलित जवाब दिया। दैनिक भास्कर को दिए इंटरव्यू में जब उनसे पूछा गया कि अगर उन्हें प्रधानमंत्री को एक सलाह देनी हो तो वह क्या देंगे, तो उन्होंने कहा कि वह खुद को ऐसी स्थिति में नहीं मानते कि प्रधानमंत्री को कोई सलाह दे सकें।पूरा इंटरव्यू पढ़ें.. आर्थिक संकट में देश संभालना बड़ी जिम्मेदारी:मनोज बाजपेयी बोले- आम आदमी खर्च नियंत्रित कर सकता है, लेकिन देश को संकट से एक्सपर्ट्स ही निकालते हैं 1991 के आर्थिक संकट पर बनी फिल्म ‘गवर्नर: द साइलेंट सेवियर’ को लेकर मनोज बाजपेयी ने दैनिक भास्कर से बातचीत की। उन्होंने कहा कि फिल्म में एक आरबीआई गवर्नर के देश की उम्मीद बनने और देश को संकट से निकालने की जंग दिखाई गई है। मनोज ने इसे ‘इकोनॉमिक थ्रिलर’ बताया। उन्होंने वैश्विक हालात, ईरान-यूएस तनाव, आम आदमी की परेशानियों, ओटीटी और थिएटर की कमी पर भी राय रखी।पूरा इंटरव्यू पढ़ें.. दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔
Manoj Bajpayee on Latecomers & Stardom

48 मिनट पहलेलेखक: आशीष तिवारी कॉपी लिंक मनोज बाजपेयी अपनी दमदार एक्टिंग और बेबाक अंदाज के लिए जाने जाते हैं। फिल्म ‘गवर्नर: द साइलेंट सेवियर’ को लेकर दैनिक भास्कर से बातचीत में उन्होंने करियर, फिल्मों और रैपिड फायर राउंड में दिलचस्प जवाब दिए। भारत की सबसे बड़ी ताकत, स्टारडम की परिभाषा, फाइनेंशियल आदतों और पसंदीदा खाने तक, मनोज ने कई सवालों के जवाब सहज अंदाज में दिए। पढ़िए, रैपिड फायर राउंड में मनोज बाजपेयी के जवाब। सवाल: अगर एक शब्द में भारत को समझाना हो तो क्या कहेंगे? जवाब: विविधता सवाल: पावर या पीस? जवाब: पीस हमेशा। सवाल: ओटीटी या बिग स्क्रीन? जवाब:बिग स्क्रीन सवाल: कौन-सा किरदार आपको सबसे ज्यादा डराने वाला लगा? जवाब: गली गुलियां फिल्म ‘गली गुलियां’ के किरदार में गहराई से उतरने और उसका तनाव महसूस करने के कारण मनोज बाजपेयी असल जिंदगी में मानसिक संतुलन खोने की कगार पर पहुंच गए थे। सवाल: आपकी एक फाइनेंशियल आदत क्या है? जवाब: मैं और मेरा परिवार अपनी जरूरतें नहीं बढ़ाते। जितना जरूरी हो, उतना ही खर्च करते हैं। सवाल: बिहार की कौन-सी बात दुनिया को सीखनी चाहिए? जवाब: रिश्तों में अपनापन और अपनी जड़ों से जुड़े रहना। सवाल: आपका कम्फर्ट फूड क्या है? जवाब: दाल-चावल और परवल की भुजिया सवाल: स्टारडम को एक शब्द में कैसे बताएंगे? जवाब: अननेसेसरी सवाल: कौन-सी चीज आपको सबसे ज्यादा परेशान करती है? जवाब: जब लोग समय पर नहीं आते सवाल: कौन-से कलाकार आपको अंडररेटेड लगते हैं? जवाब: केके मेनन, विजय राज, रघुवीर यादव और नवाजुद्दीन सिद्दीकी जैसे कलाकार शानदार हैं। मुझे लगता है कि कई कलाकारों की प्रतिभा का सही इस्तेमाल नहीं हुआ। ____________________________________ मनोज बाजपेयी का यह इंटरव्यू भी पढ़ें… पीएम को सलाह देने के सवाल पर मनोज बाजपेयी बोले:मैं इन सब चक्करों में नहीं पड़ता, हर व्यक्ति की अपनी जिम्मेदारी और विशेषज्ञता होती है फिल्म ‘गवर्नर: द साइलेंट सेवियर’ के प्रमोशन के दौरान अभिनेता मनोज बाजपेयी ने राजनीति और नेतृत्व से जुड़े सवाल पर संतुलित जवाब दिया। दैनिक भास्कर को दिए इंटरव्यू में जब उनसे पूछा गया कि अगर उन्हें प्रधानमंत्री को एक सलाह देनी हो तो वह क्या देंगे, तो उन्होंने कहा कि वह खुद को ऐसी स्थिति में नहीं मानते कि प्रधानमंत्री को कोई सलाह दे सकें।पूरा इंटरव्यू पढ़ें.. आर्थिक संकट में देश संभालना बड़ी जिम्मेदारी:मनोज बाजपेयी बोले- आम आदमी खर्च नियंत्रित कर सकता है, लेकिन देश को संकट से एक्सपर्ट्स ही निकालते हैं 1991 के आर्थिक संकट पर बनी फिल्म ‘गवर्नर: द साइलेंट सेवियर’ को लेकर मनोज बाजपेयी ने दैनिक भास्कर से बातचीत की। उन्होंने कहा कि फिल्म में एक आरबीआई गवर्नर के देश की उम्मीद बनने और देश को संकट से निकालने की जंग दिखाई गई है। मनोज ने इसे ‘इकोनॉमिक थ्रिलर’ बताया। उन्होंने वैश्विक हालात, ईरान-यूएस तनाव, आम आदमी की परेशानियों, ओटीटी और थिएटर की कमी पर भी राय रखी।पूरा इंटरव्यू पढ़ें.. दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔









