पेंशनर्स के लिए काम की गाइड:पेंशन रुकने पर न हों परेशान; जानें 5 समस्याएं और उनका समाधान

रिटायरमेंट के बाद पेंशन सिर्फ हर महीने मिलने वाली राशि नहीं, बल्कि पूरे परिवार की आर्थिक सुरक्षा होती है। लेकिन पेंशन रुक जाए, जीवन प्रमाण-पत्र जमा न हो पाए, फैमिली पेंशन शुरू न हो, बैंक बार-बार दौड़ाए या राष्ट्रीय पेंशन प्रणाली (एनपीएस) और एकीकृत पेंशन योजना (यूपीएस) को लेकर भ्रम हो जाए, तो अधिकांश पेंशनर्स समझ नहीं पाते कि किस कार्यालय या सरकारी व्यवस्था में जाएं। यहां जानिए पेंशन से जुड़ी 5 सबसे बड़ी परेशानियां और उनका कैसे समाधान मिलेगा। 1. सबसे पहले जानिए किस समस्या के लिए कहां जाएं गलत कार्यालय पहुंचना पेंशनधारकों की सबसे आम गलती होती है। सही जगह जाने से समय और परेशानी दोनों से बचते हैं। पेंशन रुकी: →बैंक और CPENGRAMS में जाएं। जीवन प्रमाण पत्र: →सीएससी/बैंक या डाकघर। एनपीएस: पेंशन निधि विनियामक विकास प्राधिकरण। ईपीएस-95: कर्मचारी भविष्य निधि संगठन। रक्षा पेंशन: → स्पर्श (SPARSH) में संपर्क करें। बैंक की शिकायत: →पहले बैंक फिर आरबीआई की एकीकृत लोकपाल व्यवस्था में जा सकते हैं। 2. पेंशन रुकी, देर से आई या गलत कटौती हुई तो… यदि आपकी मासिक पेंशन रुक गई है, देर से आ रही है या बैंक ने गलत कटौती कर दी है, तो सबसे पहले संबंधित बैंक शाखा या पेंशन वितरण कार्यालय में लिखित शिकायत करें। अधिकांश मामलों का समाधान यहीं हो जाता है। क्या करें – समाधान नहीं मिलने पर केंद्रीकृत पेंशन शिकायत निवारण व निगरानी प्रणाली (CPENGRAMS) में ऑनलाइन शिकायत करें। यहां पर अपना पीपीओ नंबर, बैंक विवरण और जरूरी दस्तावेज अपलोड करें। 3. जीवन प्रमाण-पत्र जमा करने के लिए कहां जाएं अधिक उम्र, बीमारी या चलने-फिरने में परेशानी होने पर अब बैंक जाने की जरूरत नहीं है। सरकार ने डिजिटल जीवन प्रमाण-पत्र जमा करने की सुविधा उपलब्ध कराई है। आप अपने घर पर बैठकर इसका इस्तेमाल कर सकते हैं। क्या करें: मोबाइल पर जीवन प्रमाण एप और फेस अथेंटिकेशन की मदद से यह सर्टिफिकेट ऑनलाइन तैयार कर जमा किया जा सकता है। यदि स्मार्टफोन चलाना कठिन लगता है तो सीएससी या बैंक मित्र की मदद ले सकते हैं। 4. फैमिली पेंशन शुरू नहीं हो रही या बैंक बदलना है… मृत्यु, विवाह प्रमाण-पत्र, आश्रित का आधार, पैन नंबर व बैंक खाता विवरण, मृतक का पीपीओ नंबर,नामांकन फॉर्म आदि दस्तावेज तैयार रखें। फिर संबंधित विभाग या बैंक में आवेदन दें। देरी होने पर निर्धारित शिकायत व्यवस्था का उपयोग करें। क्या करें? : दोनों तरह के मामले में पीपीओ नंबर व आधार सबसे महत्वपूर्ण हैं। देरी होने पर एल्डर 14567 या संबंधित विभाग या बैंक की हेल्पलाइन पर कॉल करें। पीपीओ नंबर सहित अन्य जानकारी के साथ शिकायत दर्ज कराएं। 5. NPS, UPS या APY समझ में नहीं आ रही… राष्ट्रीय पेंशन प्रणाली, एकीकृत पेंशन योजना या अटल पेंशन योजना (एपीवाय) से जुड़े मामलों में पेंशन निधि विनियामक-विकास प्राधिकरण (पीएफआरडीए) के एआई चैटबॉट PFRDA पेंशन सहायक से सवाल पूछ सकते हैं। क्या करें? : PFRDA हेल्पलाइन 1800110708 पर सोमवार से शुक्रवार सुबह 9.30 से शाम 5.30 बजे के बीच बात कर सकते हैं। ईमेल: complaints@pfrda.org.in या वेबसाइट: www.pfrda.org.in →पर परेशानी बताएं। (एक्सपर्ट- डॉ. मनजीत सिंह पटेल, राष्ट्रीय अध्यक्ष, ऑल इंडिया एनपीएस एम्पलाइज फेडरेशन ∙ एससी जैन, जनरल सेक्रेटरी, एआईबीआरए)
Bengali Actress Sreelekha Mitra Controversy

18 मिनट पहले कॉपी लिंक बंगाली एक्ट्रेस श्रीलेखा मित्रा के खिलाफ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का एक आपत्तिजनक पोस्टर पकड़ने पर कई शिकायतें दर्ज हुई हैं। बंगाल की भाजपा नेता केया घोष ने भी उनके खिलाफ शिकायत दर्ज करवाते हुए इसकी कड़ी निंदा की है। एक्ट्रेस श्रीलेखा पर आरोप हैं कि शुक्रवार को वो कोलकाता में हुए स्टूडेंट प्रोटेस्ट का हिस्सा बनीं। उसी दिन उनकी तस्वीरें वायरल हुईं, जिसमें वो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का एक बेहुदा पोस्टर पकड़ी हुई थीं। ये आपत्तिजनक पोस्टर की अधूरी तस्वीर है, इसे पूरा नहीं दिखाया जा सकता। शिकायत दर्ज करवाने के बाद भाजपा नेता केया घोष ने कहा, ‘एक्ट्रेस श्रीलेखा ने छात्र आंदोलन के नाम पर जो घटिया पोस्टर आदरणीय प्रधानमंत्री जी के लिए दिखाए, उसी के खिलाफ मैंने आनंदपुर पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज की है। हमने उनकी तुरंत गिरफ्तारी की मांग की है। ये जो छात्र आंदोलन के नाम पर गुंडागर्दी हुई, पत्रकारों के ऊपर आक्रमण की घटना घटी है। महिला पत्रकार को भी नहीं छोड़ा गया। उन्हें मोलेस्ट किया गया। यहां पर ये जो वामपंथी एक्ट्रेस है, प्रधानमंत्री के खिलाफ इतना घटिया इतना गंदा पोस्टर दिखा रही है, जो मैं यहां दिखा भी नहीं सकती। शिकायत की कॉपी दिखाती हुईं भाजपा नेता केया घोष। एक्ट्रेस ने दी सफाई, कहा- चश्मा नहीं पहना था शिकायतें दर्ज होने के बाद रविवार को एक्ट्रेस ने सफाई दी है। टेलीग्राफ इंडिया के अनुसार एक्ट्रेस ने कहा, ‘मैंने सुना है कि मेरे खिलाफ कई शिकायतें हुई हैं। मैं साफ करना चाहती हूं कि प्रोटेस्ट में बहुत ज्यादा भीड़ थी। इतनी कि मैं ध्यान से पोस्टर भी नहीं देख सकी। ज्यादातर महिलाएं किसी पुरुष के शरीर के निचले हिस्से पर ध्यान ही नहीं देतीं। मैंने मोदी जी का एक कैरिकेचर देखा, जिसमें उन्होंने अपने हाथ फैलाए हुए थे। मुझे वह मजेदार लगा। इसके अलावा मैंने कुछ और नोटिस नहीं किया।’ उन्होंने आगे कहा, ‘वे पोस्टर किसी और ने बनाए थे। मैंने तो बस उनमें से एक पोस्टर देखा और उसके साथ फोटो खिंचवा ली। अगर वे इसके लिए मुझे गिरफ्तार करना चाहते हैं, तो कर लें। चाहें तो मुझे फांसी पर भी चढ़ा दें। और अगर ऐसा हुआ, तो मुझे पूरा भरोसा है कि इसके खिलाफ एक और बड़ा विरोध प्रदर्शन होगा। सरकार को उसके लिए तैयार रहना चाहिए।’ आनंदपुर के अलावा श्रीलेखा मित्रा के खिलाफ बिदाननगर की साइबर पुलिस में भी शिकायत दर्ज हुई है। आनंदपुर थाना में आनंदपुर पीएस केस संख्या 302, दिनांक 26.07.2026 को भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 352, 353(2) और 356(3) में मामला दर्ज किया गया है। फिलहाल इस मामले की जांच जारी है। मलयाली फिल्ममेकर के खिलाफ दर्ज करवाई थी हैरेसमेंट की शिकायत इससे पहले बंगाली एक्ट्रेस श्रीलेखा, मलयाली डायरेक्टर रंजीत के खिलाफ यौन शोषण की शिकायत दर्ज करवाने पर सुर्खियों में रही थीं। एक्ट्रेस ने हेमा रिपोर्ट आने के बाद शिकायत में दावा किया कि 2009 में रंजीत ने फिल्म देने के नाम पर घर में बुलाया और हैरेस किया। कौन हैं श्रीलेखा मित्रा श्रीलेखा मित्रा बांग्ला फिल्म और टेलीविजन इंडस्ट्री की जानी-मानी एक्ट्रेस हैं। वह अपने बेबाक स्वभाव, सामाजिक-राजनीतिक मुद्दों पर खुलकर राय रखने और फिल्मों में दमदार अभिनय के लिए जानी जाती हैं। श्रीलेखा ने 1990 के दशक में बंगाली फिल्मों और टीवी धारावाहिकों से अपने करियर की शुरुआत की। वे कई लोकप्रिय बंगाली टीवी शो में भी नजर आ चुकी हैं। श्रीलेखा कांतातर रेनकोट, अश्चर्य प्रदीप, बोंग कनेक्शन, निर्बासित, रेनबो जेली, वन्स अपॉन ए टाइम इन कोलकाता जैसी फिल्मों का हिस्सा रही हैं। दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔
Bengali Actress Sreelekha Mitra Controversy

7 मिनट पहले कॉपी लिंक बंगाली एक्ट्रेस श्रीलेखा मित्रा के खिलाफ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का एक आपत्तिजनक पोस्टर पकड़ने पर कई शिकायतें दर्ज हुई हैं। बंगाल की भाजपा नेता केया घोष ने भी उनके खिलाफ शिकायत दर्ज करवाते हुए इसकी कड़ी निंदा की है। एक्ट्रेस श्रीलेखा पर आरोप हैं कि शुक्रवार को वो कोलकाता में हुए स्टूडेंट प्रोटेस्ट का हिस्सा बनीं। उसी दिन उनकी तस्वीरें वायरल हुईं, जिसमें वो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का एक बेहुदा पोस्टर पकड़ी हुई थीं। ये आपत्तिजनक पोस्टर की अधूरी तस्वीर है, इसे पूरा नहीं दिखाया जा सकता। शिकायत दर्ज करवाने के बाद भाजपा नेता केया घोष ने कहा, ‘एक्ट्रेस श्रीलेखा ने छात्र आंदोलन के नाम पर जो घटिया पोस्टर आदरणीय प्रधानमंत्री जी के लिए दिखाए, उसी के खिलाफ मैंने आनंदपुर पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज की है। हमने उनकी तुरंत गिरफ्तारी की मांग की है। ये जो छात्र आंदोलन के नाम पर गुंडागर्दी हुई, पत्रकारों के ऊपर आक्रमण की घटना घटी है। महिला पत्रकार को भी नहीं छोड़ा गया। उन्हें मोलेस्ट किया गया। यहां पर ये जो वामपंथी एक्ट्रेस है, प्रधानमंत्री के खिलाफ इतना घटिया इतना गंदा पोस्टर दिखा रही है, जो मैं यहां दिखा भी नहीं सकती। शिकायत की कॉपी दिखाती हुईं भाजपा नेता केया घोष। एक्ट्रेस ने दी सफाई, कहा- चश्मा नहीं पहना था शिकायतें दर्ज होने के बाद रविवार को एक्ट्रेस ने सफाई दी है। टेलीग्राफ इंडिया के अनुसार एक्ट्रेस ने कहा, ‘मैंने सुना है कि मेरे खिलाफ कई शिकायतें हुई हैं। मैं साफ करना चाहती हूं कि प्रोटेस्ट में बहुत ज्यादा भीड़ थी। इतनी कि मैं ध्यान से पोस्टर भी नहीं देख सकी। ज्यादातर महिलाएं किसी पुरुष के शरीर के निचले हिस्से पर ध्यान ही नहीं देतीं। मैंने मोदी जी का एक कैरिकेचर देखा, जिसमें उन्होंने अपने हाथ फैलाए हुए थे। मुझे वह मजेदार लगा। इसके अलावा मैंने कुछ और नोटिस नहीं किया।’ उन्होंने आगे कहा, ‘वे पोस्टर किसी और ने बनाए थे। मैंने तो बस उनमें से एक पोस्टर देखा और उसके साथ फोटो खिंचवा ली। अगर वे इसके लिए मुझे गिरफ्तार करना चाहते हैं, तो कर लें। चाहें तो मुझे फांसी पर भी चढ़ा दें। और अगर ऐसा हुआ, तो मुझे पूरा भरोसा है कि इसके खिलाफ एक और बड़ा विरोध प्रदर्शन होगा। सरकार को उसके लिए तैयार रहना चाहिए।’ आनंदपुर के अलावा श्रीलेखा मित्रा के खिलाफ बिदाननगर की साइबर पुलिस में भी शिकायत दर्ज हुई है। आनंदपुर थाना में आनंदपुर पीएस केस संख्या 302, दिनांक 26.07.2026 को भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 352, 353(2) और 356(3) में मामला दर्ज किया गया है। फिलहाल इस मामले की जांच जारी है। मलयाली फिल्ममेकर के खिलाफ दर्ज करवाई थी हैरेसमेंट की शिकायत इससे पहले बंगाली एक्ट्रेस श्रीलेखा, मलयाली डायरेक्टर रंजीत के खिलाफ यौन शोषण की शिकायत दर्ज करवाने पर सुर्खियों में रही थीं। एक्ट्रेस ने हेमा रिपोर्ट आने के बाद शिकायत में दावा किया कि 2009 में रंजीत ने फिल्म देने के नाम पर घर में बुलाया और हैरेस किया। कौन हैं श्रीलेखा मित्रा श्रीलेखा मित्रा बांग्ला फिल्म और टेलीविजन इंडस्ट्री की जानी-मानी एक्ट्रेस हैं। वह अपने बेबाक स्वभाव, सामाजिक-राजनीतिक मुद्दों पर खुलकर राय रखने और फिल्मों में दमदार अभिनय के लिए जानी जाती हैं। श्रीलेखा ने 1990 के दशक में बंगाली फिल्मों और टीवी धारावाहिकों से अपने करियर की शुरुआत की। वे कई लोकप्रिय बंगाली टीवी शो में भी नजर आ चुकी हैं। श्रीलेखा कांतातर रेनकोट, अश्चर्य प्रदीप, बोंग कनेक्शन, निर्बासित, रेनबो जेली, वन्स अपॉन ए टाइम इन कोलकाता जैसी फिल्मों का हिस्सा रही हैं। दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔
Bombay HC Allows Nitin Gadkari to Sue Over Ethanol Deepfake Videos

कुछ ही क्षण पहले कॉपी लिंक केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी अब मेटा प्लेटफॉर्म्स, एक्स और गूगल एलएलसी के खिलाफ सिविल सुट दायर कर सकते हैं। बॉम्बे हाईकोर्ट ने सोमवार को गडकरी को एथेनॉल विवाद से जुड़ी एआई-जनरेटेड डीपफेक वीडियो और डिजिटल कंटेंट के खिलाफ कार्रवाई की अनुमति दे दी है। गडकरी ने अपनी याचिका में कहा है कि इन वीडियो में उन्हें एथेनॉल ब्लेंडेड पेट्रोल (ईबीपी) प्रोग्राम और ई20 पहल से गलत तरीके से जोड़ा गया है। सोशल मीडिया पर डीपफेक-वीडियो का भी इस्तेमाल किया जा रहा है। केस में मांग की गई है कि कंटेंट ऐसे को हटाया जाए। याचिका के मुताबिक, ये दोनों प्रोजेक्ट पूरी तरह से केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय के हैं और इनमें गडकरी की कोई भूमिका नहीं है। भारत में क्यों हो रहा है E20 पेट्रोल का विरोध? भारत में 20% एथेनॉल और 80% पेट्रोल के इस मिश्रण (E20) का विरोध हो रहा है। खासकर 2023 से पहले बनी पेट्रोल गाड़ियों के मालिक परेशान हैं। उनका दावा है कि इस फ्यूल से गाड़ियों का माइलेज कम हो रहा है, मेंटेनेंस का खर्च बढ़ गया है और इंजन के पार्ट्स जल्दी खराब हो रहे हैं। सरकारी मंत्रालयों को भी बनाया गया प्रतिवादी इस मामले में केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय तथा दूरसंचार मंत्रालय को भी प्रतिवादी बनाया गया है। गडकरी ने स्पष्ट किया है कि इस मुकदमे का उद्देश्य सार्वजनिक चर्चा या सरकारी नीतियों की आलोचना को रोकना नहीं है। याचिका में कहा गया है कि इसका मकसद जनता को किसी भी सरकारी फैसले पर निष्पक्ष बहस या आलोचना से रोकना नहीं है। गडकरी का तर्क है कि सोशल मीडिया पर मौजूद कंटेंट पूरी तरह से झूठा, मनगढ़ंत और दुर्भावनापूर्ण है। याचिका के मुताबिक, अज्ञात लोगों ने एआई वीडियो के जरिए यह गलत धारणा फैलाई कि गडकरी और उनका परिवार ईबीपी और ई20 पहल से लाभ कमा रहा है। —————————————- ये खबर भी पढ़ें… गडकरी बोले- 2004 से पेट्रोल में एथेनॉल मिल रहा:गाड़ियों को नुकसान का कोई सबूत नहीं, माइलेज सड़क और ट्रैफिक की स्थिति पर निर्भर देश में ई-20 पेट्रोल, एथेनॉल, माइलेज और गाड़ियों पर इसके असर को लेकर लगातार सवाल उठ रहे हैं। सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने दैनिक भास्कर से बातचीत में इन सभी सवालों के जवाब दिए। पूरी खबर पढ़ें… दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔ खबरें और भी हैं…
चांदी ₹2,050 बढ़कर ₹2.25 लाख पर पहुंची:सोना ₹751 महंगा होकर ₹1.45 लाख का 10 ग्राम हुआ, इस साल ₹1.60 लाख तक जा सकता है

सोने-चांदी की कीमतों में आज यानी 27 जुलाई को बढ़त है। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के मुताबिक, एक किलो चांदी 2,050 रुपए बढ़कर 2.25 लाख रुपए पर पहुंच गई है। वहीं, 10 ग्राम 24 कैरेट सोना 751 रुपए चढ़कर 1.45 लाख रुपए पर पहुंच गया है। कैरेट के हिसाब से सोने की कीमत देश के बड़े शहरों में सोने की कीमत सोर्स: goodreturns 27 जुलाई 2026 सोना इस साल ₹12 हजार महंगा हुआ इस साल सोने-चांदी की कीमत में लगातार उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। सोना 2026 में अब तक 12 हजार रुपए महंगा हुआ है। 31 दिसंबर 2025 को 10g सोना 1.33 लाख रुपए के ऊपर था, जो अब 1.45 लाख रुपए पर पहुंच गया है। वहीं, चांदी की कीमत में 5 हजार रुपए की गिरावट है। चांदी 31 दिसंबर 2025 को 2.30 लाख रुपए किलो थी, जो अब 2.25 लाख रुपए पर है। इस दौरान 29 जनवरी को सोने ने 1.76 लाख रुपए और चांदी ने 3.86 लाख रुपए का ऑलटाइम हाई भी बनाया था। इस साल अब तक सोने-चांदी की चाल नोट:- सोने की कीमत प्रति 10 ग्राम और चांदी की कीमत किलो में | सोर्स:- IBJA सोना इस साल 1.60 लाख तक जा सकता है कमोडिटी एक्सपर्ट अजय केडिया के मुताबिक सोने-चांदी के दाम अपने हाई से काफी नीचे आ चुके हैं। ऐसे में निवेशक इसमें निवेश कर सकते हैं, हालांकि इनमें एकमुश्त निवेश करने से बचना चाहिए। अजय केडिया के अनुसार साल के आखिर तक सोना एक बार फिर 1.60 लाख और चांदी 2.80 लाख रुपए तक जा सकती है। ज्वेलर्स से सोना खरीदते समय इन 2 बातों का रखें ध्यान असली चांदी की पहचान करने के 4 तरीके
चांदी ₹2,050 बढ़कर ₹2.25 लाख पर पहुंची:सोना ₹751 महंगा होकर ₹1.45 लाख का 10 ग्राम हुआ, इस साल ₹1.60 लाख तक जा सकता है

सोने-चांदी की कीमतों में आज यानी 27 जुलाई को बढ़त है। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के मुताबिक, एक किलो चांदी 2,050 रुपए बढ़कर 2.25 लाख रुपए पर पहुंच गई है। वहीं, 10 ग्राम 24 कैरेट सोना 751 रुपए चढ़कर 1.45 लाख रुपए पर पहुंच गया है। सोना इस साल ₹12 हजार महंगा हुआ इस साल सोने-चांदी की कीमत में लगातार उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। सोना 2026 में अब तक 12 हजार रुपए महंगा हुआ है। 31 दिसंबर 2025 को 10g सोना 1.33 लाख रुपए के ऊपर था, जो अब 1.45 लाख रुपए पर पहुंच गया है। वहीं, चांदी की कीमत में 5 हजार रुपए की गिरावट है। चांदी 31 दिसंबर 2025 को 2.30 लाख रुपए किलो थी, जो अब 2.25 लाख रुपए पर है। इस दौरान 29 जनवरी को सोने ने 1.76 लाख रुपए और चांदी ने 3.86 लाख रुपए का ऑलटाइम हाई भी बनाया था। सोना इस साल 1.60 लाख तक जा सकता है कमोडिटी एक्सपर्ट अजय केडिया के मुताबिक सोने-चांदी के दाम अपने हाई से काफी नीचे आ चुके हैं। ऐसे में निवेशक इसमें निवेश कर सकते हैं, हालांकि इनमें एकमुश्त निवेश करने से बचना चाहिए। अजय केडिया के अनुसार साल के आखिर तक सोना एक बार फिर 1.60 लाख और चांदी 2.80 लाख रुपए तक जा सकती है। ज्वेलर्स से सोना खरीदते समय इन 2 बातों का रखें ध्यान असली चांदी की पहचान करने के 4 तरीके
पुलिस ने स्टैंड-अप कॉमेडियन को बुरी तरह पीटा:बोले- पत्नी को लात मारी, पसलियां टूटीं; वीडियो जारी कर रौनक रजनी ने लगाए गंभीर आरोप

मशहूर स्टैंड-अप कॉमेडियन रौनक रजनी के साथ मुंबई में हुए स्टूडेंट प्रोटेस्ट में मारपीट हुई। उनकी पत्नी को भी मेल पुलिस ऑफिसर ने पीटा, जिससे उनकी पसली तक टूट गई है। कॉमेडियन ने अब पत्नी की रिपोर्ट और मारपीट के वीडियोज पोस्ट कर मुंबई पुलिस पर कई संगीन आरोप लगाए हैं। रौनक रजनी ने ऑफिशियल इंस्टाग्राम अकाउंट से एक वीडियो जारी कर कहा है, प्रोटेस्ट की वजह से मेरी पत्नी की रिब टूट गई है। यह एक पुलिसवाले ने तोड़ी है। रौनक ने पत्नी की मेडिकल रिपोर्ट भी शेयर की। आगे उन्होंने कहा है, ‘22 जुलाई को 4 बजकर 47 मिनट पर मुझे और मेरी पत्नी को डीटेन किया गया था। पुलिस शिवाजी पार्क में चल रहे प्रोटेस्ट से लोगों को बेवजह उठा रही थी। हमें बेरहमी से धक्का देकर हटाया गया, जिससे मेरी गर्दन में मोच आई और मेरे रिब्स में दर्द उठ गया। हमने इसका बतंगड़ नहीं बनाया, क्योंकि लोगों के साथ इससे भी ज्यादा बर्बरता हुई, वो पुलिस की बेरहमी का शिकार हुए।’ आगे कॉमेडियन ने कहा, ‘हम दिल्ली वापस आ गए। उसका दर्द कम नहीं हो रहा था। हम डॉक्टर के पास गए, उन्होंने एक्स-रे की सलाह दी और उसे फ्रैक्चर निकला।’ वीडियो में आगे कॉमेडियन ने वो सारे फुटेज दिखाए, जिसमें उनके और पत्नी के साथ पुलिस मारपीट करती नजर आ रही है। कॉमेडियन ने बताया है कि विवाद तब शुरू हुआ, जब पुलिस कुछ शांत खड़े बच्चों को जबरदस्ती डीटेन कर रही थी। जब उन्होंने पुलिस को दूर से रोकने की कोशिश की तो एक पुलिसवाला उन्हें खींचने लगा। कॉमेडियन के साथ धक्का-मुक्की होते देख पत्नी पास आईं, उससे पहले कॉमेडियन को जमीन पर पटक दिया गया। कुछ देर बाद दोनों को जबरदस्ती धक्के देते हुए बस के अंदर किया गया, जहां एक पुलिसवाले ने कॉमेडियन की पत्नी को लात मारी। वीडियो में पुलिसवाला लात मारते हुए साफ नजर भी आया है। शेयर किए गए वीडियो में कॉमेडियन ने मुंबई पुलिस, राहुल गांधी, कॉकरोज जनता पार्टी, शिव सेना, कांग्रेस को भी टैग किया है। कौन हैं रौनक रजनी?
पुलिस ने स्टैंड-अप कॉमेडियन को बुरी तरह पीटा:बोले- पत्नी को लात मारी, पसलियां टूटीं; वीडियो जारी कर रौनक रजनी ने लगाए गंभीर आरोप

मशहूर स्टैंड-अप कॉमेडियन रौनक रजनी के साथ मुंबई में हुए स्टूडेंट प्रोटेस्ट में मारपीट हुई। उनकी पत्नी को भी मेल पुलिस ऑफिसर ने पीटा, जिससे उनकी पसली तक टूट गई है। कॉमेडियन ने अब पत्नी की रिपोर्ट और मारपीट के वीडियोज पोस्ट कर मुंबई पुलिस पर कई संगीन आरोप लगाए हैं। रौनक रजनी ने ऑफिशियल इंस्टाग्राम अकाउंट से एक वीडियो जारी कर कहा है, प्रोटेस्ट की वजह से मेरी पत्नी की रिब टूट गई है। यह एक पुलिसवाले ने तोड़ी है। रौनक ने पत्नी की मेडिकल रिपोर्ट भी शेयर की। आगे उन्होंने कहा है, ‘22 जुलाई को 4 बजकर 47 मिनट पर मुझे और मेरी पत्नी को डीटेन किया गया था। पुलिस शिवाजी पार्क में चल रहे प्रोटेस्ट से लोगों को बेवजह उठा रही थी। हमें बेरहमी से धक्का देकर हटाया गया, जिससे मेरी गर्दन में मोच आई और मेरे रिब्स में दर्द उठ गया। हमने इसका बतंगड़ नहीं बनाया, क्योंकि लोगों के साथ इससे भी ज्यादा बर्बरता हुई, वो पुलिस की बेरहमी का शिकार हुए।’ आगे कॉमेडियन ने कहा, ‘हम दिल्ली वापस आ गए। उसका दर्द कम नहीं हो रहा था। हम डॉक्टर के पास गए, उन्होंने एक्स-रे की सलाह दी और उसे फ्रैक्चर निकला।’ वीडियो में आगे कॉमेडियन ने वो सारे फुटेज दिखाए, जिसमें उनके और पत्नी के साथ पुलिस मारपीट करती नजर आ रही है। कॉमेडियन ने बताया है कि विवाद तब शुरू हुआ, जब पुलिस कुछ शांत खड़े बच्चों को जबरदस्ती डीटेन कर रही थी। जब उन्होंने पुलिस को दूर से रोकने की कोशिश की तो एक पुलिसवाला उन्हें खींचने लगा। कॉमेडियन के साथ धक्का-मुक्की होते देख पत्नी पास आईं, उससे पहले कॉमेडियन को जमीन पर पटक दिया गया। कुछ देर बाद दोनों को जबरदस्ती धक्के देते हुए बस के अंदर किया गया, जहां एक पुलिसवाले ने कॉमेडियन की पत्नी को लात मारी। वीडियो में पुलिसवाला लात मारते हुए साफ नजर भी आया है। शेयर किए गए वीडियो में कॉमेडियन ने मुंबई पुलिस, राहुल गांधी, कॉकरोज जनता पार्टी, शिव सेना, कांग्रेस को भी टैग किया है। कौन हैं रौनक रजनी?
इलेक्ट्रिक की जगह हाइब्रिड प्लेन का दौर क्यों शुरू:विमानों की भारी बैटरियां बनीं अड़चन; कम लागत और लंबी दूरी के लिए हाइब्रिड तकनीक बेहतर

वैश्विक कार्बन उत्सर्जन में 2.5% की हिस्सेदारी रखने वाला एविएशन सेक्टर बड़े बदलाव से गुजर रहा है। पायलट ट्रेनिंग के लिए इस्तेमाल हो रहे पिपिस्ट्रेल के इलेक्ट्रिक प्लेन ‘वेलिस इलेक्ट्रो’ ने कम मेंटेनेंस लागत और जीरो कार्बन उत्सर्जन से उम्मीदें तो जगाई हैं, लेकिन सीमित रेंज और भारी बैटरियों की चुनौती के कारण अब इस इंडस्ट्री का मुख्य फोकस ‘हाइब्रिड टेक्नोलॉजी’ पर शिफ्ट हो रहा है। लंदन के फार्नबोरो एयर शो में आई एविएशन कंपनियों का इस नए ट्रेंड पर फोकस रहा। अमेरिकी समूह ‘टेक्स्ट्रॉन’ के स्वामित्व वाली पिपिस्ट्रेल का यह विमान आपातकालीन समय को छोड़कर अधिकतम 50 मिनट ही उड़ सकता है। सीमित रेंज के बावजूद फ्लाइंग स्कूलों के बीच इसकी मांग बढ़ रही है। ‘नेबोएयर’ जैसी कंपनियां चार्जिंग स्टेशन का नेटवर्क विकसित कर रही हैं। ऑटो इंडस्ट्री में हो रहे सुधारों से भविष्य में रेंज बढ़ाने के लिए इसकी बैटरियों को नए वर्जन से बदला जा सकेगा। हालांकि, बड़ी संख्या में यात्रियों को लंबी दूरी तक ले जाने के लिए बैटरियों का पर्याप्त शक्तिशाली या हल्का होना असंभव है। ऐसे में इंडस्ट्री का फोकस हाइब्रिड प्लेन की तरफ झुक रहा है। विशेषज्ञों के मुताबिक पूरी तरह इलेक्ट्रिक प्लेन के मुकाबले हाइब्रिड मॉडल कमर्शियल एविएशन के लिए अधिक व्यावहारिक हैं। हार्ट एयरोस्पेस और जीई-नासा जैसे दिग्गज अब टर्बोप्रॉप और इलेक्ट्रिक मोटर के संयोजन पर काम कर रहे हैं। इससे क्षेत्रीय उड़ानों में ईंधन खपत व परिचालन लागत 40% तक घट सकती है। कैलिफोर्नियाई कंपनी ने बनाया 30 सीटों वाला हाइब्रिड प्लेन – हार्ट एयरोस्पेस – कैलिफोर्निया की यह कंपनी 30 सीटों वाला हाइब्रिड विमान बना रही है। यह बैटरी पर 200 किमी और हाइब्रिड मोड में 800 किमी उड़ सकता है। इसमें सीरीज हाइब्रिड सेटअप है, जहां प्रोपेलर हमेशा इलेक्ट्रिक मोटर से घूमते हैं और गैस टर्बाइन जनरेटर के रूप में बिजली देता है। ईंधन की खपत 50% तक घट सकती है। – जीई एयरोस्पेस और नासा – नासा और जीई एयरोस्पेस ने ‘फार्नबोरो इंटरनेशनल एयर शो’ के दौरान हाइब्रिड इंजन साब 340बी उड़ान का सफल प्रदर्शन किया। हालिया परीक्षणों के दौरान यह 30,000 फीट से अधिक की ऊंचाई पर उड़ान भरने वाला दुनिया का पहला हाइब्रिड इलेक्ट्रिक-पावर्ड विमान बन चुका है। वर्टिकल टेक- ऑफ और लैंडिंग करने वाले इलेक्ट्रिक क्राफ्ट अब एयर टैक्सी और हेलीकॉप्टर के विकल्प के रूप में उभर रहे हैं। वर्टिकल एयरोस्पेस ने इनकी रेंज बढ़ाने के लिए हाइब्रिड मॉडल पर काम शुरू कर दिया। इलेक्ट्रिक प्लेन आपात स्थिति में ज्यादा देर नहीं उड़ सकते पारंपरिक विमान उड़ते समय ईंधन जलने से हल्के होते जाते हैं, जबकि बैटरी का वजन हमेशा एक समान बना रहता है। साथ ही, हवाई नियमों के तहत रनवे उपलब्ध न होने या डायवर्जन की स्थिति के लिए अतिरिक्त ईंधन रखना अनिवार्य है। यदि किसी छोटे पैसेंजर विमान को भी कई घंटों के लिए उड़ाना हो, तो आवश्यक बैटरी इतनी भारी होगी कि यात्रियों या सामान के लिए जगह ही नहीं बचेगी। यही इलेक्ट्रिक विमानों के लिए सबसे बड़ी चुनौती है। ऐसे में उद्योग अब हाइब्रिड विमानों पर ध्यान केंद्रित कर रहा है, जिसमें इलेक्ट्रिक मोटर और गैस टर्बाइन इंजन दोनों का उपयोग होता है।
Seattle Food Festival Shooting | Space Needle Incident News

सिएटल3 मिनट पहले कॉपी लिंक अमेरिका के सिएटल में रविवार शाम एक फूड फेस्टिवल के दौरान फायरिंग में 2 लोगों की मौत हो गई। बच्चे समेत 5 लोग घायल हुए हैं। घटना स्पेस नीडल के पास आयोजित ‘बाइट ऑफ सिएटल’ फेस्टिवल के आखिरी घंटों में हुई। सिएटल फायर डिपार्टमेंट की प्रवक्ता ग्रेस नुनेज ने इसकी जानकारी दी। फायरिंग शाम करीब 6 बजे हुई। पुलिस ने इलाके की जांच शुरू कर दी और लोगों से शहर के उत्तर-पश्चिमी हिस्से में स्थित घटनास्थल के पास नहीं जाने की अपील की। अभी यह साफ नहीं है कि इस मामले में किसी को हिरासत में लिया गया है या नहीं। सिएटल में रविवार को ‘बाइट ऑफ सिएटल’ फूड फेस्टिवल के दौरान हुई फायरिंग के बाद घटनास्थल पर तैनात फोर्स। 5 घायलों को अस्पताल ले जाया गया सिएटल फायर डिपार्टमेंट की प्रवक्ता ग्रेस नुनेज के मुताबिक, फायरिंग में मारे गए दोनों लोगों की मौत मौके पर ही हो गई। 5 घायलों को हार्बरव्यू मेडिकल सेंटर ले जाया गया। घायलों में 56 साल की महिला की हालत गंभीर है। 2 साल का बच्चा, 23 साल का युवक और 39 साल की महिला की हालत स्थिर बताई गई है। वहीं 40 साल की एक महिला को मामूली चोटें आई हैं। सिएटल सेंटर में रविवार को ‘बाइट ऑफ सिएटल’ फूड फेस्टिवल के दौरान हुई फायरिंग के बाद मौके पर पहुंची सिएटल पुलिस। फायरिंग के बाद बड़ी संख्या में पुलिस और इमरजेंसी टीमें मौके पर पहुंचीं। उन्होंने सिएटल सेंटर इवेंट्स कैंपस के आसपास का इलाका खाली कराना शुरू किया। अधिकारियों ने अभी यह नहीं बताया है कि फेस्टिवल के किस हिस्से में फायरिंग हुई। इस आयोजन में खुले और इनडोर, दोनों तरह के क्षेत्र शामिल थे। गवर्नर बोले- स्टेट पेट्रोल SWAT टीम मदद के लिए तैनात वॉशिंगटन के गवर्नर बॉब फर्ग्यूसन ने कहा कि उन्हें घटना को लेकर लगातार जानकारी दी जा रही है। स्थानीय पुलिस की मदद के लिए स्टेट पेट्रोल SWAT अधिकारियों को भी तैनात किया गया है। फर्ग्यूसन ने एक बयान में कहा, “मेरी संवेदनाएं पीड़ितों के परिवारों और उन सभी लोगों के साथ हैं, जो लोगों को सुरक्षित रखने के लिए काम कर रहे हैं।” खाने का सामान लेकर लौटे थे लोग, तभी गोलियां चलीं फेस्टिवल में मौजूद फेथ एडिया हंटर ने बताया कि वह और उनके दोस्त क्रेप बेचने वाले एक स्टॉल से खाना लेकर लौटे ही थे तभी फायरिंग शुरू हो गई। उन्हें एहसास हुआ कि शूटर उनके पास ही था। हंटर ने कहा, “जब यह शुरू हुआ, तब हम उसके ठीक पास थे। इसलिए हम भागे और भीड़ के साथ इमारत के अंदर चले गए।” उन्होंने बताया कि वह और कुछ अन्य लोग पास के सिएटल चिल्ड्रन्स म्यूजियम में जाकर छिप गए। फायरिंग के बाद मची अफरा-तफरी में कई फूड वेंडर अपने स्टॉल छोड़कर बाहर की ओर भाग गए। कई घंटे बाद भी कुछ वेंडर पुलिस की घेराबंदी के बाहर खड़े रहे और इंतजार करते रहे कि उन्हें अपने टेंट, खाना और खाना बनाने का सामान लेने के लिए वापस जाने की अनुमति कब मिलेगी। वेंडर ने कहा- पहले पटाखे जैसी आवाज सुनाई दी फेस्टिवल में वेंडर रॉबर्टो रामिरेज ने बताया कि उन्हें पहले पटाखे जैसी आवाज सुनाई दी। इसके बाद लोगों ने चिल्लाना शुरू कर दिया कि गोली चलाने वाला मौजूद है और लोग घबराकर भागने लगे। रामिरेज ने कहा, “अचानक सब कुछ खाली हो गया। लोग बहुत डरे हुए थे।” उन्होंने बताया कि शुरुआती अफरा-तफरी के बाद भी कुछ नए लोग फेस्टिवल में पहुंचते रहे। उन्हें घटना की जानकारी नहीं थी। पुलिस ने इन लोगों को भी वहां से जाने के लिए कहा। फेस्टिवल में मौजूद एस्टन वाकोनाबो अपनी गर्लफ्रेंड के साथ फोटो बूथ की लाइन में खड़े थे। तभी किसी ने उन्हें पीछे से धक्का दिया। उन्होंने मुड़कर देखा तो लोगों की भीड़ तेजी से भाग रही थी। वाकोनाबो ने बताया, “लोग छिप रहे थे, एक-दूसरे को धक्का दे रहे थे और जमीन पर गिर रहे थे। बच्चों की स्ट्रोलर भी गिर रही थीं। तभी मैंने गोलियों की आवाज सुनी।” उन्होंने कहा, “जब मैंने पॉप-पॉप-पॉप की आवाज सुनी, तभी मुझे समझ आया कि गोली चलाने वाला कोई व्यक्ति है।” वाकोनाबो ने अपनी गर्लफ्रेंड को सुरक्षित जगह पहुंचाने के बाद दोबारा घटनास्थल की ओर जाने की बात कही। उनके मुताबिक, वहां उन्होंने कई घायलों को जमीन पर पड़े देखा और उनकी तस्वीरें भी लीं। सीएटल की कांग्रेसवुमन प्रमिला जयपाल ने ‘बेवजह की हिंसा’ की निंदा की प्रमिला जयपाल सीएटल का प्रतिनिधित्व करने वाली कांग्रेसवुमन प्रमिला जयपाल ने सीएटल सेंटर में हुई फायरिंग के बाद इसे ‘बेवजह की हिंसा’ बताते हुए निंदा की। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा, “हमारी संवेदनाएं इस बेवजह की हिंसा से प्रभावित सभी लोगों के साथ हैं।” जयपाल ने बताया कि वह सीएटल की मेयर केटी विल्सन और गवर्नर बॉब फर्ग्यूसन के संपर्क में हैं। स्थिति की जानकारी जुटाने के लिए सरकार के अलग-अलग स्तरों के बीच समन्वय किया जा रहा है। उन्होंने लोगों से अपील की कि सक्रिय जांच जारी रहने तक वे इलाके से दूर रहें। 1982 से हो रहा है फूड फेस्टिवल ‘बाइट ऑफ सिएटल’ फूड फेस्टिवल की शुरुआत 1982 में हुई थी। फेस्टिवल की वेबसाइट के मुताबिक, 3 दिन चलने वाले इस आयोजन में खाने-पीने की चीजों के साथ अलग-अलग तरह के कार्यक्रम होते हैं और करीब 3.5 लाख लोग इसमें शामिल होते हैं। दैनिक भास्कर को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं ➔






