टीकमगढ़ में यात्री बस पलटी, यात्रियों के सिर पर चोट:घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया; इंदौर से टीकमगढ़ आ रही बस

टीकमगढ़ में आज मंगलवार सुबह बड़ागांव रोड पर एक यात्री बस पलट गई, जिसमें 10 से 15 लोग घायल हो गए। हादसा जिला मुख्यालय से लगभग 5 किलोमीटर दूर हनुमान मंदिर के पास क्रॉसिंग के दौरान हुआ। बस सर्विस कंपनी की थी और इंदौर से टीकमगढ़ आ रही थी। घटना कोतवाली थाना क्षेत्र में हुई। कोतवाली थाना प्रभारी रवि भूषण पाठक ने मौके पर पहुंचकर बताया कि सभी घायलों को इलाज के लिए जिला अस्पताल पहुंचाया गया है। कुछ यात्रियों को सिर में गंभीर चोटें आई हैं, जबकि अधिकांश को मामूली चोटें लगी हैं। पुलिस फिलहाल घटना के कारणों की जांच कर रही है। थाना प्रभारी ने बताया कि उनकी पहली प्राथमिकता घायलों को उचित इलाज कराना है।
भागीरथपुरा चौकी में युवक की मौत,पुलिस पर प्रताड़ना के आरोप:मां से कहा था- अंगूठा तोड़ दिया, बहुत मारा है’; सादी वर्दी में घर ले गए थे पुलिसकर्मी

इंदौर के भागीरथपुरा चौकी में श्रीराम पुत्र रमेशचंद झा की मौत के मामले में वरिष्ठ अधिकारियों ने चौकी प्रभारी संजय धुर्वे और सिपाही योगेंद्र कोरव को हटा दिया है। साथ ही, दोनों के खिलाफ जांच शुरू कर दी गई है। श्रीराम को गाड़ी चोरी के मामले में चौकी लाया गया था, जहां दो दिन तक उसके साथ प्रताड़ना होने की बात सामने आई है। यह जानकारी उसने अपने परिजनों को दी थी। भागीरथपुरा चौकी में श्रीराम ने एसिड पी लिया था, उसकी मौत हो गई। परिवार में उसकी मां, दो भाई, पत्नी और एक बच्चा हैं। सोमवार को पुलिस की मौजूदगी में उसका अंतिम संस्कार कराया गया, इस दौरान मौके पर पुलिस अधिकारी भी मौजूद रहे। मां का आरोप है कि रविवार को सादी वर्दी में दो पुलिसकर्मी श्रीराम को घर लेकर आए थे। उन्होंने आधार कार्ड मांगा और बातचीत की। इसी दौरान श्रीराम ने बताया कि उसके साथ मारपीट की गई है और उसका अंगूठा काम नहीं कर रहा, उसे तोड़ दिया गया है। परिवार का कहना है कि इसी प्रताड़ना से आहत होकर उसने यह कदम उठाया। परिवार के मुताबिक, पुलिसकर्मियों ने कहा था कि सोमवार को उसके खिलाफ वाहन चोरी की एफआईआर दर्ज की जाएगी या प्रतिबंधात्मक कार्रवाई कर उसे जेल भेजा जाएगा। इसके बाद पुलिस उसे अपने साथ ले गई। वहीं, पुलिस अधिकारियों ने मारपीट के आरोपों को सिरे से खारिज किया है। उनका कहना है कि एसिड पीने के बाद उसकी तबीयत बिगड़ी। फिलहाल, पूरे मामले में पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। नौकरी, पढ़ाई और 25 लाख की पेशकश पुलिस सूत्रों के मुताबिक, श्रीराम झा के परिवार में उसके बच्चे की पढ़ाई, पत्नी को नौकरी और 25 लाख रुपए की पेशकश अधिकारियों द्वारा इस मामले में आगे कार्रवाई न करने के लिए की गई। बताया जाता है कि 15 अप्रैल 2026 को भी पत्नी ने श्रीराम को लेकर बाणगंगा में शिकायत की थी, जिस पर पुलिस ने एनसीआर दर्ज की थी। सट्टा कांड में नपे थे एसआई संजय धुर्वे एसआई संजय धुर्वे पहले हीरानगर थाने में पदस्थ थे। विवेचनाओं में गलती के चलते उन्हें हटाकर ग्वालटोली थाने भेजा गया। वहां से बाद में उनका ट्रांसफर विजयनगर हो गया। नाबालिग को सट्टा कांड में फंसाने के मामले में यहां भी उनके खिलाफ कार्रवाई हुई और उन्हें हटा दिया गया। संजय के दोस्तों ने बताया कि उनकी पारिवारिक स्थिति ठीक नहीं है। उन्होंने अपने भाई-बहनों की शादी के लिए अब तक खुद शादी नहीं की और लगातार नौकरी करते रहे हैं। जीजा के कारण चल रही थी नौकरी योगेंद्र कोरव ने सबसे पहले श्रीराम को पकड़ा था। बताया जाता है कि दो दिन तक एक ढाबे से योगेंद्र के लिए खाने का इंतजाम किया जा रहा था। बाणगंगा थाने के हेड कॉन्स्टेबल संजय बामने, योगेंद्र के साले हैं, जो तीन बार थाने से हटने के बाद फिर वापस आ चुके हैं। संजय का कुछ समय पहले एक बार वाले से विवाद हुआ था, जिसके चलते उन्हें हटाया गया था। योगेंद्र के साथ वे पहले बाणगंगा में वारंट तामिली का काम देख रहे थे, बाद में उन्हें चौकी पर भेज दिया गया।
जर्मनी के गुरुद्वारे में सिख भिड़े, 11 घायल:गोलक के हिसाब को लेकर बहस के बाद हाथापाई; दावा- संगत पर फायरिंग, आंखों में स्प्रे मारा

जर्मनी के डुइसबर्ग गुरुद्वारे में दो गुटों के बीच झड़प हो गई। इस दौरान कई सिखों की पगड़ियां जमीन पर गिर गईं। एक सिख ने कृपाण निकालकर हमला कर दिया। घटना का वीडियो भी सामने आया है। इसमें गुरुद्वारे के अंदर दो गुट एक-दूसरे को पीटते नजर आ रहे हैं। घटना 20 अप्रैल की है। 11 लोग घायल हुए हैं। वहीं, दावा किया जा रहा है कि कुछ लोगों ने बाहर खड़ी संगत पर फायरिंग भी की और आंखों में स्प्रे मारा। बलविंदर सिंह नाम के व्यक्ति ने इस वीडियो को शूट करने के बाद पोस्ट किया है। 15 मिनट 31 सेकेंड के वीडियो में 2 गुटों में विवाद होता दिख रहा है। पुलिस ने झगड़े की सूचना पर मौके पर पहुंचकर कार्रवाई की। यह झगड़ा तब हुआ, जब गुरुद्वारे की मैनेजमेंट बदलने के बाद गुरुद्वारे की गोलक का हिसाब-किताब किया जा रहा था। फिलहाल सुरक्षा के लिहाज से गुरुद्वारे के बाहर जर्मन पुलिस तैनात कर दी गई है। झड़प से जुड़ी 4 PHOTOS…. विस्तार से पढ़िए पूरा मामला सत्ता की लड़ाई ने लिया हिंसक रूप प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, विवाद की जड़ हाल ही में हुए प्रबंधन समिति के चुनाव हैं। बताया जा रहा है कि जो गुट चुनाव हार गया था, वह सत्ता छोड़ने को तैयार नहीं था। 20 अप्रैल की सुबह जब गुरुद्वारे में संगत मौजूद थी, तब पूर्व कमेटी के लोग जबरन प्रशासन पर कब्जा करने के इरादे से अंदर घुस आए। जर्मन पुलिस ने गुरुद्वारे के बाहर सुरक्षा लगाई घटना की सूचना मिलते ही जर्मन पुलिस गुरुद्वारे पहुंची। पुलिस के अनुसार, इस झड़प में कुल 11 लोग घायल हुए हैं, जिन्हें नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। पुलिस ने कुछ लोगों को हिरासत में भी लिया है और गुरुद्वारे के आसपास सुरक्षा बढ़ा दी गई है। ॰॰॰॰॰॰॰॰॰ यह खबर भी पढ़ें… कनाडा में पंजाबी के घर सवा करोड़ की चोरी:रोते हुए महिला बोली- 5 माह पहले मकान लिया था, 2 मिनट में सब चला गया कनाडा के मालटन शहर में पंजाबी फैमिली के घर से 2 मिनट के अंदर 1 करोड़ 39 लाख 53 हजार रुपए के गहने और सामान चोरी हो गया। घर की मालकिन ने बताया कि चोरी की घटना के वक्त हम बैसाखी के कार्यक्रम में गुरुद्वारा गए थे। पढ़ें पूरी खबर…
हिमाचल में अगले 4 दिन गर्मी का प्रकोप:तापमान 4°C तक बढ़ेगा, रातें भी गर्म होंगी; 12 शहरों में पारा 30°C के पार

हिमाचल प्रदेश में अगले चार दिनों के दौरान गर्मी का प्रकोप बढ़ेगा। मौसम विभाग (IMD) के अनुसार 21 से 24 अप्रैल तक पूरे प्रदेश में मौसम साफ रहेगा। इस दौरान तेज धूप खिलेगी। इससे तापमान में 3 से 4 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ोतरी होगी। खासकर मैदानी इलाकों में दिन के समय प्रचंड गर्मी लोगों को परेशान करेगी और धूप में बाहर निकलना मुश्किल हो सकता है। राज्य के मध्यम ऊंचाई वाले क्षेत्रों के तापमान में भी बढ़ोतरी देखने को मिलेगी, जिससे वहां भी गर्मी का असर बढ़ेगा। इसी तरह, अधिक ऊंचे पहाड़ी क्षेत्रों में मौसम सुहावना होगा और सुबह-शाम ठंड से राहत मिलेगी। ऊंचे क्षेत्रों में बीते सप्ताह बारिश-बर्फबारी के कारण लाहौल स्पीति के कई भागों का न्यूनतम तापमान अभी भी जमाव बिंदू के आसपास है। मगर अब रात के तापमान में भी उछाल आएगा। इससे ऊंचे क्षेत्रों के साथ साथ मैदानी इलाकों में भी राते गर्म होगी। 12 शहरों में 30 डिग्री पार पहुंचा तापमान बीते 24 घंटे के दौरान अधिकतम तापमान में उछाल दर्ज किया गया। राज्य के 12 शहरों का तापमान 30 डिग्री सेल्सियस से अधिक हो गया है। ऊना का पारा सामान्य से 3.1 डिग्री ज्यादा के साथ 38.4 डिग्री पहुंच गया है। 25-26 अप्रैल को बारिश के आसार हालांकि, यह गर्मी ज्यादा दिन नहीं रहेगी। IMD के मुताबिक 24 अप्रैल की रात को वेस्टर्न डिस्टरबेंस एक्टिव हो रहा है। इससे 25 और 26 अप्रैल को बारिश के आसार बन रहे हैं। खासकर 26 अप्रैल को पूरे प्रदेश में बारिश हो सकती है। पर्यटन स्थलों पर सुहावना मौसम बेशक, मैदानी इलाकों में ठंड में इजाफा हुआ है, लेकिन राज्य के पर्यटन स्थलों पर मौसम सुहावना बना हुआ है। शिमला का तापमान 25.6 डिग्री, मनाली का 25.4 डिग्री, नारकंडा 19 और कुफरी 20 डिग्री सेल्सियस है। इन इन पर्यटन स्थलों पर पहुंच रहे टूरिस्ट सुहावने मौसम का आनंद उठा रहे हैं।
तिलक का 45 गेंद में शतक, जयसूर्या की बराबरी की:बुमराह को पहली बॉल पर विकेट, रबाडा ने सूर्या को बोल्ड किया; मोमेंट्स-रिकॉर्ड्स

मुंबई इंडियंस ने IPL 2026 के 30वें मैच में गुजरात टाइटंस को 99 रन से हरा दिया। अहमदाबाद में तिलक वर्मा ने 45 गेंदों में शतक लगाकर सनथ जयसूर्या के रिकॉर्ड की बराबरी कर ली। यह इस सीजन की सबसे तेज सेंचुरी भी रही। जसप्रीत बुमराह ने पहली ही गेंद पर विकेट लिया। पढिए MI Vs GT मैच के टॉप मोमेंट्स और रिकॉर्ड्स… 1. तिलक वर्मा का 45 बॉल पर शतक मुंबई इंडियंस के लिए IPL में सबसे तेज शतक के मामले में तिलक वर्मा ने सनथ जयसूर्या की बराबरी की। दोनों ने 45-45 गेंदों में शतक जड़ा। इस लिस्ट में कैमरन ग्रीन (47 गेंद) और सूर्यकुमार यादव (49 गेंद) भी हैं। तिलक गुजरात के खिलाफ मुंबई के लिए शतक लगाने वाले दूसरे बल्लेबाज बने। उनसे पहले सूर्यकुमार यादव ने 2023 में वानखेड़े में नाबाद 103 रन बनाए थे। तिलक ने इस सीजन की फास्टेस्ट सेंचुरी भी लगाई। चेन्नई के संजू सैमसन ने 52 और मुंबई के क्विंटन डी कॉक ने 53 बॉल पर शतक लगाया था। 2. मुंबई की चौथी सबसे बड़ी जीत मुंबई इंडियंस ने 99 रन से जीत दर्ज करते हुए IPL इतिहास में अपनी चौथी सबसे बड़ी जीत हासिल की। टीम की सबसे बड़ी जीत 2017 में दिल्ली डेयरडेविल्स के खिलाफ 146 रन से आई थी। यहां से टॉप-6 मोमेंट्स 1. दानिश और कृष का टी-20 डेब्यू मुंबई इंडियंस के लिए दो नए खिलाड़ियों ने डेब्यू किया। दानिश मलेवार ने पहला मुकाबला खेला, वहीं हाल ही में सपोर्ट बॉलर के रूप में शामिल कृष भगत को भी प्लेइंग इलेवन में जगह मिली। दोनों ने इससे पहले कोई टी-20 मैच नहीं खेला था, यानी यह उनके प्रोफेशनल टी-20 करियर का पहला मैच रहा। 2. रबाडा ने अपनी ही बॉल पर लपका डी कॉक का कैच चौथे ओवर में कगिसो रबाडा ने क्विंटन डी कॉक को कॉट एंड बोल्ड किया। रबाडा ने करीब 150 की रफ्तार से शॉर्ट बॉल फेंकी। डी कॉक शॉट मारने में संतुलन खो बैठे। बॉल टॉप एज लेकर हवा में गई और रबाडा ने खुद कैच लपक लिया। 3. रबाडा की 152 kmph की रफ्तार पर सूर्या क्लीन बोल्ड छठे ओवर में रबाडा ने सूर्यकुमार यादव को क्लीन बोल्ड किया। रबाडा ने 152.1 kmph की रफ्तार से बॉल फेंकी, जो पिच होकर अंदर आई। सूर्या ड्राइव के प्रयास में पेस से चकमा खा गए और बॉल स्टंप्स से टकरा गई। 4. आखिरी बॉल पर चौके से तिलक का शतक 20वें ओवर की आखिरी बॉल पर तिलक वर्मा ने चौका जड़कर IPL में पहला शतक पूरा किया। प्रसिद्ध कृष्णा ने धीमी और शॉर्ट बॉल फेंकी। तिलक ने डीप स्क्वायर लेग में गैप ढूंढकर चौका लगाया। 5. बुमराह ने साई सुदर्शन को कैच कराया जसप्रीत बुमराह ने पहली ही बॉल पर विकेट लिया। उन्होंने गुजरात के इन-फॉर्म बल्लेबाज साई सुदर्शन को कृष्ण भगत के हाथों कैच आउट कराया। बुमराह ने फुल लेंथ बॉल फेंकी जो बाहर निकली। सुदर्शन ने बिना पैरों के मूवमेंट के कवर्स के ऊपर से स्लाइस करने की कोशिश की, लेकिन गेंद बल्ले के निचले हिस्से पर लगकर कवर-पॉइंट पर खड़े फील्डर के पास गई। बुमराह को IPL में 146 गेंदों के इंतजार के बाद यह सफलता मिली। इस सीजन में 114 गेंदों के बाद यह उनका पहला विकेट था। सुदर्शन बिना खाता खोले पवेलियन लौटे। 6. सैंटनर और अश्विनी को एक ओवर में 2-2 विकेट 8वें ओवर में मिचेल सैंटनर ने दो विकेट झटके। उन्होंने ओवर की दूसरी बॉल पर वॉशिंगटन सुंदर (26) को नमन धीर के हाथों कैच कराया, और फिर चौथी बॉल पर ग्लेन फिलिप्स (6) का अपनी ही गेंद पर शानदार कैच लपका। वहीं, 13वें ओवर में अपना सीजन का पहला मैच खेल रहे अश्विनी कुमार ने भी दो विकेट चटकाए। दूसरी बॉल पर उन्होंने राशिद खान (4) को राज बावा के हाथों कैच कराया। इसके बाद आखिरी बॉल पर शाहरुख खान स्लोअर बॉल पर नमन धीर को कैच थमा बैठे।
तिलक का 45 गेंद में शतक, जयसूर्या की बराबरी की:बुमराह को पहली बॉल पर विकेट, रबाडा ने सूर्या को बोल्ड किया; मोमेंट्स-रिकॉर्ड्स

मुंबई इंडियंस ने IPL 2026 के 30वें मैच में गुजरात टाइटंस को 99 रन से हरा दिया। अहमदाबाद में तिलक वर्मा ने 45 गेंदों में शतक लगाकर सनथ जयसूर्या के रिकॉर्ड की बराबरी कर ली। यह इस सीजन की सबसे तेज सेंचुरी भी रही। जसप्रीत बुमराह ने पहली ही गेंद पर विकेट लिया। पढिए MI Vs GT मैच के टॉप मोमेंट्स और रिकॉर्ड्स… 1. तिलक वर्मा का 45 बॉल पर शतक मुंबई इंडियंस के लिए IPL में सबसे तेज शतक के मामले में तिलक वर्मा ने सनथ जयसूर्या की बराबरी की। दोनों ने 45-45 गेंदों में शतक जड़ा। इस लिस्ट में कैमरन ग्रीन (47 गेंद) और सूर्यकुमार यादव (49 गेंद) भी हैं। तिलक गुजरात के खिलाफ मुंबई के लिए शतक लगाने वाले दूसरे बल्लेबाज बने। उनसे पहले सूर्यकुमार यादव ने 2023 में वानखेड़े में नाबाद 103 रन बनाए थे। तिलक ने इस सीजन की फास्टेस्ट सेंचुरी भी लगाई। चेन्नई के संजू सैमसन ने 52 और मुंबई के क्विंटन डी कॉक ने 53 बॉल पर शतक लगाया था। 2. मुंबई की चौथी सबसे बड़ी जीत मुंबई इंडियंस ने 99 रन से जीत दर्ज करते हुए IPL इतिहास में अपनी चौथी सबसे बड़ी जीत हासिल की। टीम की सबसे बड़ी जीत 2017 में दिल्ली डेयरडेविल्स के खिलाफ 146 रन से आई थी। यहां से टॉप-6 मोमेंट्स 1. दानिश और कृष का टी-20 डेब्यू मुंबई इंडियंस के लिए दो नए खिलाड़ियों ने डेब्यू किया। दानिश मलेवार ने पहला मुकाबला खेला, वहीं हाल ही में सपोर्ट बॉलर के रूप में शामिल कृष भगत को भी प्लेइंग इलेवन में जगह मिली। दोनों ने इससे पहले कोई टी-20 मैच नहीं खेला था, यानी यह उनके प्रोफेशनल टी-20 करियर का पहला मैच रहा। 2. रबाडा ने अपनी ही बॉल पर लपका डी कॉक का कैच चौथे ओवर में कगिसो रबाडा ने क्विंटन डी कॉक को कॉट एंड बोल्ड किया। रबाडा ने करीब 150 की रफ्तार से शॉर्ट बॉल फेंकी। डी कॉक शॉट मारने में संतुलन खो बैठे। बॉल टॉप एज लेकर हवा में गई और रबाडा ने खुद कैच लपक लिया। 3. रबाडा की 152 kmph की रफ्तार पर सूर्या क्लीन बोल्ड छठे ओवर में रबाडा ने सूर्यकुमार यादव को क्लीन बोल्ड किया। रबाडा ने 152.1 kmph की रफ्तार से बॉल फेंकी, जो पिच होकर अंदर आई। सूर्या ड्राइव के प्रयास में पेस से चकमा खा गए और बॉल स्टंप्स से टकरा गई। 4. आखिरी बॉल पर चौके से तिलक का शतक 20वें ओवर की आखिरी बॉल पर तिलक वर्मा ने चौका जड़कर IPL में पहला शतक पूरा किया। प्रसिद्ध कृष्णा ने धीमी और शॉर्ट बॉल फेंकी। तिलक ने डीप स्क्वायर लेग में गैप ढूंढकर चौका लगाया। 5. बुमराह ने साई सुदर्शन को कैच कराया जसप्रीत बुमराह ने पहली ही बॉल पर विकेट लिया। उन्होंने गुजरात के इन-फॉर्म बल्लेबाज साई सुदर्शन को कृष्ण भगत के हाथों कैच आउट कराया। बुमराह ने फुल लेंथ बॉल फेंकी जो बाहर निकली। सुदर्शन ने बिना पैरों के मूवमेंट के कवर्स के ऊपर से स्लाइस करने की कोशिश की, लेकिन गेंद बल्ले के निचले हिस्से पर लगकर कवर-पॉइंट पर खड़े फील्डर के पास गई। बुमराह को IPL में 146 गेंदों के इंतजार के बाद यह सफलता मिली। इस सीजन में 114 गेंदों के बाद यह उनका पहला विकेट था। सुदर्शन बिना खाता खोले पवेलियन लौटे। 6. सैंटनर और अश्विनी को एक ओवर में 2-2 विकेट 8वें ओवर में मिचेल सैंटनर ने दो विकेट झटके। उन्होंने ओवर की दूसरी बॉल पर वॉशिंगटन सुंदर (26) को नमन धीर के हाथों कैच कराया, और फिर चौथी बॉल पर ग्लेन फिलिप्स (6) का अपनी ही गेंद पर शानदार कैच लपका। वहीं, 13वें ओवर में अपना सीजन का पहला मैच खेल रहे अश्विनी कुमार ने भी दो विकेट चटकाए। दूसरी बॉल पर उन्होंने राशिद खान (4) को राज बावा के हाथों कैच कराया। इसके बाद आखिरी बॉल पर शाहरुख खान स्लोअर बॉल पर नमन धीर को कैच थमा बैठे।
डेली कॉलेज बना 'सियासी अखाड़ा':BJP के प्रशिक्षण वर्ग पर दिग्विजय सिंह बिफरे, बोर्ड प्रेसिडेंट से पूछा- 'किसने दी मंजूरी?'

इंदौर के प्रतिष्ठित डेली कॉलेज में 22 अप्रैल से आयोजित होने जा रहे भारतीय जनता पार्टी के सात राज्यों के वरिष्ठ नेताओं के प्रशिक्षण वर्ग ने राजनीतिक तूल पकड़ लिया है। इस आयोजन की तैयारियों के बीच प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और संस्थान के संरक्षक दिग्विजय सिंह ने कड़ा रुख अपनाया है। सिंह ने डेली कॉलेज बोर्ड के प्रेसिडेंट को एक पत्र लिखकर परिसर के राजनीतिक इस्तेमाल पर अत्यंत क्षोभ, निराशा और पीड़ा व्यक्त की है। उन्होंने संस्थान की निष्पक्षता और संस्थागत स्वतंत्रता को गंभीर क्षति पहुंचने का दावा करते हुए इस आयोजन की स्पष्ट निंदा की है। दिग्विजय सिंह ने अपने पत्र में तीखे सवाल उठाते हुए कहा है कि डेली कॉलेज कोई साधारण संपत्ति नहीं है जिसे किसी दल की पक्षपातपूर्ण सुविधा के लिए सौंप दिया जाए। उन्होंने इसे एक खतरनाक ‘पैटर्न’ करार देते हुए कुछ पिछली घटनाओं का भी जिक्र किया है। सिंह के अनुसार, सितंबर 2025 में भी कॉलेज के गेट और परिसर में भगवा झंडे व बैनर लगाए गए थे। इसके अलावा, उन्होंने 4 अक्टूबर 2025 को आरएसएस के 100 वर्ष पूर्ण होने पर हुए कार्यक्रम और फरवरी 2026 में आयोजित ओडीए रॉयल कुकिंग फेस्टिवल के दौरान भी परिसर के राजनीतिकरण का मुद्दा उठाया है। उनका कहना है कि बार-बार हो रहे ऐसे आयोजनों से आम जनता के बीच यह संदेश जा रहा है कि यह स्वतंत्र शिक्षण संस्थान अब एक खास विचारधारा के प्रचार का केंद्र बनता जा रहा है। पूर्व मुख्यमंत्री ने अपनी बात को मजबूती देने के लिए अपने कार्यकाल का भी उल्लेख किया। उन्होंने लिखा कि मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री के रूप में उनके दो दशकों के कार्यकाल के दौरान कभी भी कांग्रेस का कोई कार्यक्रम डेली कॉलेज परिसर में आयोजित नहीं हुआ। उन्होंने तर्क दिया कि सरकारें आती-जाती रहती हैं, लेकिन 140 साल पुराने इस गौरवशाली संस्थान की प्रतिष्ठा और साख हर हाल में सुरक्षित रहनी चाहिए। उन्होंने पत्र के माध्यम से बोर्ड से पूछा है कि आखिर किसके अधिकार और अनुमति से परिसर को राजनीतिक गतिविधियों के लिए उपलब्ध कराया गया और क्या बोर्ड ऑफ गवर्नर्स को इसकी जानकारी दी गई थी। इस पूरे विवाद के बीच भाजपा के नगर अध्यक्ष सुमित मिश्रा की भूमिका पर भी सवालिया निशान लग रहे हैं। शहर के राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि डेली कॉलेज बोर्ड के आगामी चुनावों और वहां के आंतरिक समीकरणों को जानते हुए भी बार-बार ऐसे आयोजन क्यों कराए जा रहे हैं। दिग्विजय सिंह के दखल और विरोध के बाद अब यह मामला न केवल कॉलेज के भीतर बल्कि शहर की राजनीति में भी चर्चा का विषय बन गया है। फिलहाल, 22 अप्रैल के कार्यक्रम की तैयारियों और उस पर उठे इस विरोध ने संस्थान के प्रबंधन को कटघरे में खड़ा कर दिया है।
कोर्ट के आदेश पर धोखाधड़ी की FIR:18 करोड़ रुपए की तीन बीघा से ज्यादा जमीन का एग्रीमेंट किसी से, बेची किसी को

ग्वालियर में अनुबंधित जमीन को किसी अन्य को बेचने का मामला सामने आया है। गिरवाई थाना पुलिस ने न्यायालय के आदेश पर इस मामले में प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। फरियादी पक्ष का आरोप है कि किसान ने उनसे अनुबंध कर राशि लेने के बाद भी जमीन किसी और को बेच दी, जबकि आरोपी पक्ष एग्रीमेंट की समय-सीमा समाप्त होने का दावा कर रहा है। गिरवाई थाना प्रभारी सुरेंद्र नाथ यादव के अनुसार, इस मामले में फरियादी सांई बाबा कंपनी के डायरेक्टर पृथ्वी बाघवानी हैं, जबकि आरोपी किसान बाबूलाल है। जानकारी के मुताबिक, वर्ष 2024 में तीन बीघा 11 विस्वा जमीन का एग्रीमेंट दोनों पक्षों के बीच हुआ था। जमीन की कीमत पांच करोड़ रुपए प्रति बीघा तय की गई थी और दो माह के भीतर रजिस्ट्री कराने की शर्त रखी गई थी। फरियादी का कहना है कि उन्होंने तय राशि का भुगतान कर दिया था, लेकिन रजिस्ट्री नहीं कराई गई। इसके बाद करीब एक साल बाद आरोपी किसान ने उक्त जमीन किसी अन्य व्यक्ति को बेच दी। जब इस बात की जानकारी फरियादी को लगी तो उन्होंने न्यायालय की शरण ली। मामले की सुनवाई के बाद न्यायालय ने पुलिस को प्रकरण दर्ज करने के निर्देश दिए, जिसके आधार पर गिरवाई थाना पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है। वहीं, आरोपी पक्ष का कहना है कि एग्रीमेंट केवल दो माह के लिए था और तय समय सीमा में पूरी राशि का भुगतान नहीं किया गया, जिससे अनुबंध स्वतः निरस्त हो गया। उनका दावा है कि इसके बाद उन्होंने जमीन का सौदा दूसरी पार्टी से किया। आरोपी ने यह भी कहा है कि यदि फरियादी ने भुगतान किया है, तो उसके प्रमाण प्रस्तुत करें। फिलहाल पुलिस दोनों पक्षों के दस्तावेजों और दावों की जांच कर रही है। जांच के बाद ही पूरे मामले की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
कैंसर सेल खत्म करने में कारगर?, पटना की लैब में हल्दी पर बड़ी रिसर्च

Last Updated:April 20, 2026, 22:56 IST Nanoparticle Grinding Machine Patna: पटना स्थित आर्यभट्ट ज्ञान विश्वविद्यालय के नैनो टेक्नोलॉजी सेंटर में वैज्ञानिकों ने एक अनोखी खोज की है, जहां सामान्य हल्दी को खास मशीन से पीसकर नैनो पार्टिकल में बदलने पर उसका रंग पीले से लाल हो गया. इस बदलाव के साथ उसके मॉलिक्यूल स्तर में भी परिवर्तन देखने को मिला, जो कैंसर और डायबिटीज जैसी बीमारियों की रोकथाम में उपयोगी हो सकता है. शुरुआती परीक्षणों में यह पाया गया कि यह नैनो पाउडर कैंसर सेल को नष्ट करने में प्रभावी है, वहीं इसी तकनीक से तैयार किए गए करेले के नैनोपार्टिकल भी कई गंभीर बीमारियों के इलाज में नई संभावनाएं दिखा रहे हैं. रिपोर्ट- सच्चिदानंद अमूमन हल्दी को पीसने पर वह पीले रंग का पाउडर बन जाता है. पटना के वैज्ञानिकों ने हल्दी को स्पेशल चक्की में पीस कर नैनो पार्टिकल में तोड़ा तो उसका कलर लाल हो गया है. इस लाल रंग वाले हल्दी का ऐसा मॉलिक्यूल तैयार हुआ जो कैंसर और डायबिटीज जैसी बीमारियों के रोकथाम के लिए उपयोग किया जा सकता है. आर्यभट्ट ज्ञान विश्वविद्यालय के नैनो टेक्नोलॉजी सेंटर में यह खास चक्की मौजूद है. इसका उपयोग नॉर्मल चीजों को नैनो पार्टिकल में तोड़ने के लिए किया जाता है. इस बारे में जानकारी देते हुए नैनो साइंस विभाग के एचओडी डॉ. राकेश कुमार सिंह ने लोकल 18 को बताया कि यह सामान्य चक्की का ही एडवांस्ड वर्जन है. चीजों को नैनो पार्टिकल में बदलने के लिए इसका प्रयोग किया जाता है. इसका उपयोग रिसर्च के लिए किया जाता है. नैनो साइंस विभाग की एमटेक की छात्रा श्वेता सिन्हा ने बताया कि इस मशीन के जरिए नैनो पार्टिकल तैयार किया जाता है. Add News18 as Preferred Source on Google नॉर्मल हल्दी के टुकड़े को जब इस मशीन में डालकर अलग अलग टाइम के लिए पिसा गया तो इसका रंग पीला की जगह लाल हो गया. इस सुपर फाइन पाउडर यानी नैनो पाउडर का जब अध्ययन किया गया तो यह पाया गया कि मॉलिक्यूल लेवल बदलने से इसका रंग बदला है. नैनो साइज की वजह से हल्दी का रंग पीला से लाल हो गया. इसके सैंपल को महावीर कैंसर संस्थान और पीजीआई लखनऊ में भेजा गया. इसकी टेस्टिंग चूहों के कैंसर सेल पर की गई. इसमें यह पता चला कि यह कैंसर सेल नष्ट करने में कारगर है. एमटेक स्टूडेंट श्वेता सिन्हा ने आगे बताया कि इसी मशीन से करेले को टुकड़ों में काटकर ऊपर मौजूद क्लॉज्ड चैंबर में डालकर थोड़ी देर तक मशीन चालू रखा तो करेले का सुपर फाइन पाउडर यानी नैनोपार्टिकल डेवलप हुआ. यह सामान्य करेले के मॉलीक्यूल स्ट्रक्चर से बिल्कुल अलग पाया गया. इसके नैनी पार्टिकल कैंसर के सेल की ग्रोथ रोकने में सहायक हैं. इसके अलावा मधुमेह सहित अन्य बीमारियों में भी इसका उपयोग किया जा सकता है. रिसर्च के दौरान जैसे-जैसे इसका पार्टिकल छोटा किया गया तो पता चला कि इसकी चुम्बकीय शक्ति बढ़ती गई. हालांकि, नॉर्मल करेले में कोई चुम्बकीय शक्ति नहीं होती है. चुंबकीय गुण की वजह से शरीर इस पाउडर को तुरंत अवशोषित कर लेगा. यह कई बीमारियों पर कारगर साबित होगा. First Published : April 20, 2026, 22:56 IST
Cancer: पैरों में दिख रहे ये 4 बदलाव हो सकते हैं खतरनाक कैंसर का संकेत, तुरंत हो जाएं सतर्क

Last Updated:April 20, 2026, 22:48 IST Cancer: पैरों में दिखाई देने वाले इन बदलावों को सिर्फ सामान्य दर्द या थकान समझकर नजरअंदाज नहीं करना चाहिए. अगर ऐसे लक्षण लगातार बने रहें, तो बिना देर किए किसी विशेषज्ञ डॉक्टर से सलाह लें और जरूरी जांच जरूर करवाएं. यह कैंसर शुरुआती चरण में अक्सर बिना बड़े लक्षणों के बढ़ता रहता है. इसी वजह से कई मामलों में इसका पता देर से चलता है और इलाज मुश्किल हो सकता है. अगर बिना चोट या किसी स्पष्ट कारण के एक या दोनों पैरों में सूजन आ जाए, तो यह सामान्य बात नहीं हो सकती. यह रक्त प्रवाह में रुकावट या खून के थक्के का संकेत हो सकता है. पैरों की मांसपेशियों में लगातार या असहनीय दर्द महसूस हो, खासकर चलते या खड़े होने पर, तो इसे सिर्फ थकान न समझें. यह डीप वेन थ्रोम्बोसिस का संकेत हो सकता है. Add News18 as Preferred Source on Google अगर पैर अचानक लाल, नीला या असामान्य रंग का दिखने लगे, तो यह खून के थक्के या रक्त संचार में गड़बड़ी का संकेत हो सकता है. ऐसे बदलावों पर ध्यान देना जरूरी है. अगर सूजे हुए हिस्से को छूने पर वह शरीर के बाकी हिस्सों से ज्यादा गर्म लगे, तो यह अंदरूनी सूजन या ब्लड क्लॉट की ओर इशारा कर सकता है. कुछ सामान्य दिखने वाले लक्षण भी गंभीर हो सकते हैं. आंखों या त्वचा का पीला पड़ना, भूख कम लगना, तेजी से वजन घटना, पेट दर्द या मल त्याग में बदलाव जैसे संकेत भी अग्नाशय कैंसर से जुड़े हो सकते हैं. पैरों में दर्द, सूजन या ऊपर बताए गए बदलाव बार-बार नजर आएं, तो देरी न करें. विशेषज्ञ डॉक्टर से सलाह लेकर सही समय पर जांच करवाना सबसे बेहतर कदम है. अगर पर्याप्त आराम करने के बाद भी लगातार कमजोरी, सुस्ती या थकान महसूस हो रही है, तो यह शरीर के अंदर चल रही किसी गंभीर समस्या का संकेत हो सकता है. ऐसे लक्षणों पर समय रहते डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है. First Published : April 20, 2026, 22:48 IST







