दृष्टिहीनों के साथ भारत घूमने वाले जर्नलिस्ट के अनुभव:नजारे नहीं, एहसास… देखने वालों के लिए सफर ‘फिल्म’ है, पर अंधेरों के लिए ‘खुलती किताब’

‘हम में से ज्यादातर लोगों के लिए यात्रा का मतलब ‘नजारे देखना’ होता है। हम दर्शनीय स्थलों पर जाते हैं, तस्वीरें खींचते हैं और ऐसे होटल ढूंढ़ते हैं जहां से बाहर की खूबसूरती दिखे। लेकिन आपने कभी सोचा है कि दृष्टिहीन यात्री के लिए दुनिया कैसी होगी? इसी का जवाब खोजने के लिए मैं उत्तर भारत के ‘गोल्डन ट्रायंगल’ की 10 दिनों की यात्रा पर निकला। यह मौका ब्रिटिश कंपनी ट्रैवलआइज ने दिया था, जो सामान्य लोगों को दृष्टिहीनों के साथ सफर की पहल करती है। सूर्योदय के समय मैं ल्यूक के साथ ताजमहल में था। उसका हाथ मेरी बांह पर था और सफेद छड़ी से वह जमीन को टटोल रहा था। जैसे ही आगे बढ़े, पैरों के नीचे का अहसास बदल गया- खुरदरे बलुआ पत्थर से ठंडे, चिकने संगमरमर तक। मैंने उसका हाथ दीवारों पर रखा, जहां उसकी अंगुलियां नक्काशी व कीमती पत्थरों को महसूस कर रही थीं। ल्यूक ने 18 साल की उम्र में बीमारी के कारण दृष्टि खो दी थी। उसने मुस्कुराते हुए कहा,‘मुझे कुछ बहुत भव्य और शानदार होने का अहसास हो रहा है।’ गुंबद के नीचे पर्यटकों की आवाजें मधुर गूंज में बदल गईं। ल्यूक ने सिर ऊपर उठाकर कहा,‘जैसे हम किसी बड़े स्पीकर के अंदर खड़े हों।’ उस पल मैंने भी आंखें बंद कीं और पहली बार उस शांति व गूंज को सुना, जिसे मैं अक्सर अनदेखा कर देता था। इस यात्रा का उद्देश्य दृश्य देखना नहीं, बल्कि ‘अनुभूति’ था। पुरानी दिल्ली की तंग गलियों में मेरा साथ डेनियल ने दिया। मसालों, डीजल की तेज गंध के बीच डेनियल ने बताया कि दृष्टिहीन आवाजों व हवा के बहाव से दुनिया का नक्शा बुनते हैं। जब एक इंद्रिय कम होती है, तो बाकी इंद्रियां उसकी भरपाई और तीव्रता से करने लगती हैं। यह अनुभव अद्भुत था, जहां अभाव ही दृष्टि बन गया। छोटी-छोटी चीजें शब्दों के जरिए स्मृति में बसने लगीं… सफर में मेरी अगली साथी सिएटल की कैंडी थीं। उन्हें नजारों से ज्यादा भारत को समझना पसंद था। मैंने उन्हें बताया कि सड़क किनारे नाई कैसे काम करते हैं, लोग फुटपाथ पर कैसे सोते हैं और दुकानों पर स्नैक्स कैसे सजे रहते हैं। इस दौरान मेरी अवलोकन क्षमता भी बढ़ी। मैंने घड़ी की दिशा से उन्हें थाली में रखे खाने की स्थिति समझाई। छोटी-छोटी चीजें अब शब्दों के जरिए स्मृति में बसने लगीं। रणथंभौर में बाघ नहीं दिखा, लेकिन कैंडी के लिए जंगल का अनुभव ही काफी था। बूंदी में आंखें बंद कर ऑटो की सवारी ने एहसास बदल दिया। इस पहल की शुरुआत अमर लतीफ ने की, जिन्होंने बताया- दृष्टिहीनों के लिए सफर किताब, और देखने वालों के लिए फिल्म जैसा होता है।
दिल्ली-यूपी में एक दिन बाद 40°C के पार जाएगा तापमान:हिमाचल के मनाली में बर्फबारी, पारा -3 डिग्री पहुंचा; जम्मू में बवंडर, लोगों में दहशत फैली

देशभर में गर्मी बढ़ रही है। मौसम विभाग के मुताबिक, उत्तर-पश्चिम भारत में तापमान 6 से 8 डिग्री तक बढ़ सकता है। हालांकि, शनिवार शाम को अटल टनल और मनाली के आसपास के इलाकों में हल्की बर्फबारी हुई। शनिवार रात मनाली में तापमान -7 डिग्री तक गिर गया। वहीं, उत्तर प्रदेश में लखनऊ सहित कई जगहों पर रविवार को तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से ऊपर जा सकता है। दिल्ली में शनिवार को अधिकतम तापमान 34.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो पिछले दिन से ज्यादा था। 15 अप्रैल को मध्य प्रदेश में नया सिस्टम एक्टिव होगा जिससे राज्य में गर्मी बढ़ेगी। शनिवार को राजधानी भोपाल में तापमान 36 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। राजस्थान के सीकर समेत शेखावाटी इलाके में वेस्टर्न डिस्टर्बेंस के असर से तापमान में गिरावट देखी जा रही थी, लेकिन रविवार के बाद से तापमान बढ़ने लगेगा। शनिवार शाम को जम्मू के अखनूर एक बवंडर देखा गया। अगले दो दिन के मौसम का हाल 13 अप्रैल: उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, राजस्थान, हरियाणा, पंजाब, उत्तराखंड और हिमाचल में तापमान बढ़ेगा। बिहार में भी गर्मी बढ़ी रहेगी, जबकि छत्तीसगढ़ के कुछ इलाकों में हीटवेव चलने की संभावना है। ज्यादातर हिस्सों में मौसम साफ और गर्म रहेगा। 14 अप्रैलः उत्तर-पश्चिम और मध्य भारत (जैसे दिल्ली और मध्य प्रदेश) में भीषण गर्मी रहेगी, तापमान 38° से 42° तक जा सकता है। वहीं, पूर्वोत्तर राज्यों और दक्षिण भारत के कुछ हिस्सों में हल्की बारिश और तूफान की संभावना है।
100 की स्पीड में बस ने पिकअप को उड़ाया,13 मौतें:कटिहार में सड़क पर बिखरीं लाशें; बाइक सवार को रौंदकर भाग रहा था बस ड्राइवर

बिहार के कटिहार में शनिवार देर शाम बस और पिकअप की टक्कर में 13 लोगों की मौत हो गई। इसमें एक ही परिवार के 5 लोग शामिल हैं। मृतकों में 10 महिलाएं, 2 पुरुष और एक बच्ची है। इसमें 11 मृतक पूर्णिया जिले के रहने वाले थे, जबकि दो कटिहार के हैं। हादसे में 32 से ज्यादा घायल हैं। इनमें 8 की हालत गंभीर बनी हुई है। हादसा कटिहार के कोढ़ा ब्लॉक में NH-31 पर हुआ। बस से टक्कर के बाद लोगों के शव सड़क पर बिखर गए। चश्मदीद ने बताया कि हादसे के वक्त ड्राइवर ने शराब पी रखी थी। गाड़ी की स्पीड भी 100 से ज्यादा थी। बस ड्राइवर ने पहले एक बाइक को उड़ाया इसके बाद पिकअप से टक्कर हुई। पिकअप सवार सभी झारखंड से मेला देखकर लौट रहे थे। हादसे के बाद CM ने मृतकों के परिवार को 2-2 लाख और घायलों को 50-50 हजार की मदद का ऐलान किया है। अब सिलसिलेवार तरीके से जानिए पूरा घटनाक्रम… अब हादसे की 5 तस्वीरें देखिए… पहले बाइक को उड़ाया फिर पिकअप से टक्कर हुई प्रत्यक्षदर्शी ने बताया, ‘शनिवार देर शाम हम कटिहार के आसपास थे। अचानक से तेज आवाज आई, जैसे बम फटा हो। कुछ भी समझ नहीं आया। सड़क पर लाशें बिछ गईं। हमारे पिकअप का ड्राइवर स्टीयरिंग में फंस गया। लोगों ने रॉड से स्टीयरिंग सीधी कर उसके शव को बाहर निकाला। बस की स्पीड 100 से ज्यादा थी। उसने पहले 2 बाइक सवारों को टक्कर मारी। दोनों की मौके पर ही मौत हो गई। इसके बाद अनियंत्रित होकर हमारी पिकअप से टकरा गया। स्थानीय लोगों और पुलिस की मदद से घायलों को बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया गया। प्राथमिक इलाज के बाद गंभीर घायलों को बेहतर इलाज के लिए पूर्णिया जीएमसी रेफर किया गया, जहां कई की हालत नाजुक बनी हुई है। सूचना मिलते ही कोढ़ा थाना पुलिस और प्रशासन मौके पर पहुंचा। रेस्क्यू शुरू किया गया। क्रेन से गाड़ियों को हटाकर सड़क पर जाम खत्म कराया गया।’ अब चश्मदीदों से जानिए हादसा कैसे हुआ शादी के लिए लड़की देखने आए थे दोनों हादसे के वक्त मौके पर मौजूद इतबारी बासुकी ने बताया, ‘बाइक सवार सदानन अपने बेटे के लिए लड़की देखने गए थे। वो पूर्णिया के बड़हरा कोठी से लौट रहे थे। इसी दौरान ये हादसा हो गया। दोनों की मौके पर ही मौत हो गई। बस ने उन्हें बहुत बुरी तरह से कुचला। दोनों को कुचलने के बाद ड्राइवर ने पिकअप में टक्कर मार दी। टक्कर होते ही लाशें सड़क पर बिछ गईं।’ तेज आवाज हुई और सभी लोग एक दूसरे पर चढ़ गए हादसे में घायल ताला हांसदा ने बताया, ‘हमलोग झारखंड से धार्मिक कार्यक्रम में शामिल होकर पूर्णिया अपने घर लौट रहे थे। साथ में बेटा, बहू और पोता-पोती भी थे। कुछ देर में ही हमलोग घर पहुंचने वाले थे। इसी दौरान गेड़ाबारी के पास अचानक तेज आवाज हुई। सभी लोग एक दूसरे पर चढ़ गए। पिकअप पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। सामने देखा कि बस ने जोरदार टक्कर मारी है। हादसे में मेरे बेटे और बहू की मौत हो गई। मुझे सिर में चोट लगी है। मैं ही सभी लोगों लेकर गया था।’ 40 से 50 सेकेंड में सब हो गया स्थानीय लोगों ने बताया कि पिकअप में करीब 22 से 25 लोग सवार थे। ये लोग झारखंड से कठिया मेला धाम घूम कर लौट रहे थे। कुछ लोग बाइक से बरहरा कोठी से लौट रहे थे। इसी दौरान बस की चपेट में आने से बाइक सवार सदानंद मुर्मू उर्फ राजेश (40) की मौके पर मौत हो गई। इसके बाद बस का ड्राइवर भागने लगा। उसने स्पीड और बढ़ा ली। सामने से पिकअप आ रही थी। बस ने उसमें टक्कर मार दी। 40 से 50 सेकेंड में ये सब हो गया। इसके पहले वहां सब शांत था। हादसे के बाद लोगों की चीख गूंजने लगी। अब समझिए मौके के हालात कैसे थे टक्कर के बाद बस के नीचे दब गए लोग सड़क के बीचों-बीच बस और पिकअप दोनों गाड़ियां इस तरह टकराई थीं कि पहचानना मुश्किल हो रहा था कि कौन सा हिस्सा किस गाड़ी का है। चारों तरफ चीख-पुकार मची थी। कुछ लोग सड़क पर पड़े तड़प रहे थे, तो कुछ गाड़ियों के बीच फंसे हुए थे। एक व्यक्ति का हाथ बस के नीचे दबा हुआ था, तो किसी का पैर बुरी तरह कुचल गया था। कई लोग खून से लथपथ सड़क पर पड़े मदद के लिए कराह रहे थे। बस का अगला हिस्सा पूरी तरह चकनाचूर हो गया था। शीशे के टुकड़े, लोहे के मुड़े हुए हिस्से और टूटे सामान सड़क पर बिखरे पड़े थे। पिकअप तो पूरी तरह मलबे में बदल गया था। उसके अंदर फंसे लोगों को निकालने के लिए स्थानीय लोग और पुलिस मिलकर कोशिश कर रहे थे। कुछ शव गाड़ियों के बीच बुरी तरह फंसे थे, जिन्हें निकालना बेहद मुश्किल हो रहा था। पिकअप की बॉडी काटकर लोगों को बाहर निकाला गया। वहीं, बस ड्राइवर भी अगले हिस्से में दब गया था, जिसे रॉड की मदद से निकाला गया। मौके पर मौजूद लोग घायलों को बाहर खींच रहे थे। बस और पिकअप के लोग अपने परिजनों को पहचानने की कोशिश में रो रहे थे। जिस बस से हादसा, वह 5 साल से अनफिट जिस बस (BR34G0110) की टक्कर से ये हादसा हुआ, वह बस अनफिट थी। बस का रजिस्ट्रेशन खगड़िया जिला से है, जिसे बंगाल में चलाने की अनुमति है। यह 36 सीटर बस (अशोक लीलैंड) पिछले कई सालों से पूरी तरह अवैध रूप से सड़कों पर दौड़ रही थी। यात्री बस का फिटनेस सर्टिफिकेट 19 जून 2021 को ही समाप्त हो चुका है, यानी ये बस सड़क पर चलने के लायक ही नहीं थी। इसके अलावा, बस का इंश्योरेंस 31 जनवरी 2022 और प्रदूषण प्रमाणपत्र 3 सितंबर 2021 से एक्सपायर है। हादसे में इन लोगों की मौत हुई है SP बोले- एक्सीडेंटल FIR दर्ज होगी
ग्वालियर में युवक पर जानलेवा हमला, हालत गंभीर:दोस्तों ने विवाद के बाद मारा चाकू, लिवर में फंसा, जयपुर रेफर

ग्वालियर में एक युवक पर उसके ही दोस्तों ने चाकू से कातिलाना हमला कर दिया। तीनों दोस्त साथ बैठे थे, तभी किसी बात को लेकर मुंहवाद हो गया और विवाद बढ़ने पर दो दोस्तों ने मिलकर युवक पर चाकू से हमला कर दिया। चाकू युवक के लिवर में जा फंसा, जिससे उसकी हालत बेहद नाजुक बनी हुई है। घटना माधौगंज थाना क्षेत्र के लक्कड़खाना इलाके की है। जानकारी के अनुसार लक्कड़खाना निवासी आशीष खटीक अपने दोस्तों अंशु शाक्य और रमन वाल्मीकि के साथ शनिवार को बैठा था। इसी दौरान पुराने विवाद को लेकर कहासुनी शुरू हो गई। देखते ही देखते अंशु और रमन ने चाकू निकालकर आशीष पर हमला कर दिया। चाकू सीने और पेट के बीच में लगते हुए लिवर में जा फंसा। हमले के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए, जबकि आशीष वहीं घायल होकर गिर पड़ा। स्थानीय लोगों की मदद से परिजन घायल को अस्पताल लेकर पहुंचे, लेकिन हालत गंभीर होने पर उसे जयपुर के एक निजी अस्पताल के लिए रेफर कर दिया गया। परिजन एंबुलेंस से उसे इलाज के लिए जयपुर ले गए हैं। घटना की सूचना मिलते ही माधौगंज थाना प्रभारी दिव्या तिवारी ने जांच शुरू कर दी है। घायल और परिजन के शहर से बाहर होने के कारण फिलहाल मामला दर्ज नहीं हो सका है। पुलिस का कहना है कि परिजनों के लौटते ही बयान लेकर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
ग्वालियर में युवक पर जानलेवा हमला, हालत गंभीर:दोस्तों ने विवाद के बाद मारा चाकू, लिवर में फंसा, जयपुर रेफर

ग्वालियर में एक युवक पर उसके ही दोस्तों ने चाकू से कातिलाना हमला कर दिया। तीनों दोस्त साथ बैठे थे, तभी किसी बात को लेकर मुंहवाद हो गया और विवाद बढ़ने पर दो दोस्तों ने मिलकर युवक पर चाकू से हमला कर दिया। चाकू युवक के लिवर में जा फंसा, जिससे उसकी हालत बेहद नाजुक बनी हुई है। घटना माधौगंज थाना क्षेत्र के लक्कड़खाना इलाके की है। जानकारी के अनुसार लक्कड़खाना निवासी आशीष खटीक अपने दोस्तों अंशु शाक्य और रमन वाल्मीकि के साथ शनिवार को बैठा था। इसी दौरान पुराने विवाद को लेकर कहासुनी शुरू हो गई। देखते ही देखते अंशु और रमन ने चाकू निकालकर आशीष पर हमला कर दिया। चाकू सीने और पेट के बीच में लगते हुए लिवर में जा फंसा। हमले के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए, जबकि आशीष वहीं घायल होकर गिर पड़ा। स्थानीय लोगों की मदद से परिजन घायल को अस्पताल लेकर पहुंचे, लेकिन हालत गंभीर होने पर उसे जयपुर के एक निजी अस्पताल के लिए रेफर कर दिया गया। परिजन एंबुलेंस से उसे इलाज के लिए जयपुर ले गए हैं। घटना की सूचना मिलते ही माधौगंज थाना प्रभारी दिव्या तिवारी ने जांच शुरू कर दी है। घायल और परिजन के शहर से बाहर होने के कारण फिलहाल मामला दर्ज नहीं हो सका है। पुलिस का कहना है कि परिजनों के लौटते ही बयान लेकर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
इंदौर में युवक के सिर पर पत्थर मारकर हत्या:शराब दुकान के पास मैदान में गंभीर हालत में मिला था, इलाज के दौरान मौत

इंदौर के केट रोड पर शनिवार रात एक युवक की सिर में पत्थर मारकर हत्या कर दी गई। युवक कुंदन नगर स्थित शराब दुकान के पास मैदान में गंभीर हालत में मिला था। पुलिस ने उसे उपचार के लिए जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां से उसे एमवाय अस्पताल रेफर किया गया, लेकिन इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। राजेंद्र नगर थाना क्षेत्र में शनिवार रात पुलिस की एफआरवी 112 को सूचना मिली थी कि कुंदन नगर शराब दुकान के पास करीब 30 वर्षीय युवक घायल अवस्था में पड़ा है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और युवक को अस्पताल पहुंचाया, लेकिन उसकी पहचान नहीं हो सकी है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार युवक अपने साथियों के साथ खाली मैदान में शराब पी रहा था। इसी दौरान विवाद हुआ और आरोपियों ने उसके सिर पर पत्थर से हमला कर दिया। वारदात के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए। पुलिस शराब दुकान और आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है तथा मामले की जांच कर रही है।
एसपी दिलीप सोनी ने नईगढ़ी थाने का निरीक्षण किया:अवैध कारोबार पर सख्ती, फरार वारंटियों की गिरफ्तारी तेज करने के निर्देश

मऊगंज जिले में कानून-व्यवस्था सुदृढ़ करने के उद्देश्य से पुलिस अधीक्षक दिलीप कुमार सोनी ने शनिवार रात नईगढ़ी थाने का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने लंबित मामलों की समीक्षा की और आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। एसपी सोनी शनिवार रात करीब 8:30 बजे नईगढ़ी थाना पहुंचे। उन्होंने थाने की कार्यप्रणाली, रिकॉर्ड और लंबित प्रकरणों का गहनता से निरीक्षण किया। इस दौरान सीएम हेल्पलाइन में दर्ज शिकायतों की स्थिति की समीक्षा करते हुए उन्होंने निर्देश दिए कि प्रत्येक शिकायत का समय-सीमा के भीतर संतुष्टिपूर्ण निराकरण किया जाए और शिकायतकर्ताओं से सीधा संवाद स्थापित किया जाए। पुलिस अधीक्षक सोनी ने थाना प्रभारी ऋषि कुमार द्विवेदी को फरार वारंटियों की गिरफ्तारी में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने लंबित वारंटियों की धरपकड़ के लिए विशेष अभियान चलाने पर जोर दिया। इसके अतिरिक्त, अवैध कारोबार पर पूर्ण सख्ती बरतने और इसमें शामिल व्यक्तियों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए गए। निरीक्षण के दौरान महिला संबंधी अपराधों को गंभीरता से लेते हुए प्राथमिकता के आधार पर कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। नाबालिगों की बरामदगी के मामलों में अलग-अलग टीमों के माध्यम से लोकेशन ट्रेस कर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया। साथ ही, साइबर टीम की मदद से तकनीकी जानकारी जुटाने पर भी बल दिया गया। एसपी ने स्पष्ट किया कि पुलिस का मुख्य उद्देश्य आम जनता के बीच विश्वास बढ़ाना और बेहतर कानून-व्यवस्था स्थापित करना है। इसके लिए सभी स्तरों पर सक्रियता बनाए रखना आवश्यक है।
पहले एसपी पर प्रताड़ना के आरोप लगाए, फिर मांगी माफी:मुरैना में शराब के नशे में आरक्षक ने वीडियो बनाया, बोला-एसपी करते है प्रताड़ित

छिंदवाड़ा में एसपी समीर सौरभ के बंगले पर तैनात एक आरक्षक द्वारा ड्यूटी से गैरहाजिर रहते हुए एसपी पर प्रताड़ना के आरोप लगाते हुए सोशल मीडिया पर वीडियो पोस्ट करने का मामला सामने आया है। आरक्षक रूप सिंह ने अपने फेसबुक पेज पर वीडियो अपलोड कर आरोप लगाया कि एसपी और उनकी पत्नी द्वारा उसे प्रताड़ित किया जा रहा है तथा उसे छुट्टी नहीं दी जा रही, जबकि वह बीमार है और उसकी दोनों किडनियों में पथरी की शिकायत है। वीडियो में वह नशे की हालत में भी दिखाई दे रहा था और घटना के समय वह ड्यूटी से अनुपस्थित था। वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया, हालांकि अगले ही दिन आरक्षक रूप सिंह अपने पिता के साथ पुलिस लाइन स्थित रक्षित निरीक्षक कार्यालय पहुंचा, जहां उसने अपने कृत्य के लिए लिखित माफी मांगी। उसने स्वीकार किया कि उसने शराब के नशे में गलती की और उसे केवल छुट्टी चाहिए थी। इस दौरान पुलिस ने उसका मेडिकल परीक्षण भी कराया। रक्षित निरीक्षक रविकांत शुक्ला के अनुसार आरक्षक पिछले आठ वर्षों से बंगले में पदस्थ है और उसके द्वारा लगाए गए प्रताड़ना के आरोप गलत हैं। उन्होंने बताया कि आरक्षक दो दिन से ड्यूटी से गैरहाजिर था और घर पर शराब पी रहा था। आरक्षक द्वारा छुट्टी का आवेदन देने पर उसकी छुट्टी स्वीकृत कर दी गई है तथा विभागीय प्रक्रिया के तहत आगे की कार्रवाई की जा रही है।
सोकर उठने पर भी शरीर में रहती है थकान-कमजोरी, आजमाएं ये आयुर्वेदिक नुस्खा, तुरंत आएगी फुर्ती

Last Updated:April 11, 2026, 20:14 IST Natural Remedy For Weakness: सोकर उठने के बाद भी यदि आप फ्रेश महसूस करने की जगह थकान और कमजोरी महसूस कर रहे हैं, तो ये नॉर्मल नहीं है. आयुर्वेद में स्टैमिना बढ़ाने और कमजोरी को दूर करन के लिए नेचुरल उपाय दिए गए हैं. इसे आप यहां इस लेख में जान सकते हैं. ख़बरें फटाफट आज की भागदौड़ भरी जीवनशैली में अक्सर लोग अच्छा खाना खाने के बावजूद भी थकान और कमजोरी महसूस करते हैं. इसका एक बड़ा कारण यह है कि हम भले ही पौष्टिक आहार लेते हों, लेकिन कई बार वह शरीर में सही तरह से अवशोषित नहीं हो पाता. नतीजतन, शरीर में ऊर्जा की कमी बनी रहती है और मन भी सुस्त महसूस करता है. लगातार थकान रहने से न सिर्फ शरीर बल्कि मानसिक स्थिति भी प्रभावित होती है. काम में मन नहीं लगता और दिनभर आलस्य बना रहता है. आयुर्वेद में ऐसे कई प्राकृतिक उपाय बताए गए हैं, जो शरीर को अंदर से मजबूत बनाने में मदद करते हैं. आज हम आपको एक आसान और असरदार घरेलू नुस्खा बता रहे हैं, जिसे आप हफ्ते में कुछ बार अपनाकर अपनी ऊर्जा बढ़ा सकते हैं. कैसे बनाएं यह हर्बल काढ़ा– सहजन (मोरिंगा) की पत्तियां या पाउडर– अश्वगंधा पाउडर– दालचीनी पाउडर विधिसबसे पहले पानी में सहजन की पत्तियां या पाउडर डालें. फिर उसमें थोड़ी मात्रा में अश्वगंधा और दालचीनी पाउडर मिलाएं. ध्यान रखें कि अश्वगंधा और दालचीनी की मात्रा सहजन से कम होनी चाहिए. अब इस मिश्रण को तब तक उबालें जब तक पानी आधा न रह जाए. सेवन का तरीकाइस काढ़े को हफ्ते में 2-3 बार, खासकर सुबह नाश्ते के समय लेना बेहतर माना जाता है. यह एक हर्बल टी की तरह काम करता है और शरीर को प्राकृतिक ऊर्जा देता है. कमजोरी दूर करने वाले नेचुरल औषधिसहजन के फायदे- सहजन आयरन और कई जरूरी पोषक तत्वों से भरपूर होता है. अगर शरीर में खून की कमी के कारण कमजोरी महसूस होती है, तो सहजन उसे दूर करने में मदद करता है. यह खून को साफ करने के साथ-साथ शरीर को जरूरी विटामिन भी देता है. इसके अलावा, यह बालों और त्वचा के लिए भी लाभकारी है. अश्वगंधा के लाभ- अश्वगंधा आयुर्वेद की एक प्रसिद्ध औषधि है. यह शरीर की ताकत और स्टैमिना बढ़ाने में मदद करता है. साथ ही, यह तनाव को कम करके शरीर में कार्टिसोल हार्मोन को संतुलित करता है. नियमित रूप से लेने पर यह मन को शांत रखने में भी सहायक होता है. दालचीनी का असर- दालचीनी शरीर में रक्त संचार को बेहतर बनाती है और हार्मोन को संतुलित रखने में मदद करती है. यह शरीर की ऊर्जा बढ़ाने में भी सहायक होती है. हल्के स्वाद के कारण इसे काढ़े में आसानी से शामिल किया जा सकता है. इस बात का ध्यान रखेंहालांकि यह काढ़ा प्राकृतिक और लाभकारी है, लेकिन इसका सेवन सीमित मात्रा में ही करना चाहिए. मधुमेह के मरीज भी इसे ले सकते हैं, लेकिन संतुलित मात्रा में. वहीं, गर्भवती महिलाओं और बुजुर्गों को इसे शुरू करने से पहले डॉक्टर की सलाह जरूर लेनी चाहिए. About the Author शारदा सिंहSenior Sub Editor शारदा सिंह बतौर सीनियर सब एडिटर News18 Hindi से जुड़ी हैं. वे हेल्थ, वेलनेस और लाइफस्टाइल से जुड़ी रिसर्च-बेस्ड और डॉक्टर्स के इंटरव्यू पर आधारित रिपोर्ट्स बनाने में एक्सपर्ट हैं. शारदा पिछले 5 सालों से मीडिया …और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्टोरीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्स में सबमिट करें Location : New Delhi,Delhi First Published : April 11, 2026, 20:14 IST Disclaimer: इस खबर में दी गई दवा/औषधि और स्वास्थ्य से जुड़ी सलाह, एक्सपर्ट्स से की गई बातचीत के आधार पर है. यह सामान्य जानकारी है, व्यक्तिगत सलाह नहीं. इसलिए डॉक्टर्स से परामर्श के बाद ही कोई चीज उपयोग करें. Local-18 किसी भी उपयोग से होने वाले नुकसान के लिए जिम्मेदार नहीं होगा.
मैहर में कांग्रेस का संविधान लीडरशिप प्रोग्राम पर जोर:राष्ट्रीय प्रवक्ता बोले- लोकतंत्र और संविधान पर बढ़ रहा है दबाव

मैहर जिले के कटनी रोड स्थित ब्लॉक कांग्रेस कार्यालय में संविधान लीडरशिप प्रोग्राम विषय पर एक प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित की गई। इस दौरान युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता पंकज मिश्रा ने केंद्र और राज्य की नीतियों पर सवाल उठाते हुए अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता को लेकर चिंता व्यक्त की। पंकज मिश्रा ने कहा कि वर्तमान समय में लोकतंत्र के मूल मूल्यों पर लगातार दबाव बढ़ रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि सत्ता के विरोध में उठने वाली आवाजों को दबाने की कोशिश की जा रही है और सच को सामने लाने वालों पर कई प्रकार के दबाव बनाए जा रहे हैं। मिश्रा ने इसे संविधान की मूल भावना पर सीधा आघात बताया। मिश्रा ने संविधान लीडरशिप प्रोग्राम के उद्देश्य पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि यह पहल युवाओं और डिजिटल माध्यमों से जुड़े इन्फ्लुएंसर्स को सिर्फ सोशल मीडिया तक सीमित नहीं रखेगी, बल्कि उन्हें जमीनी स्तर पर सक्रिय नेतृत्वकर्ता के रूप में तैयार करेगी। कंटेंट क्रिएटर्स का एक मजबूत नेटवर्क तैयार करेंगे उन्होंने बताया कि इस कार्यक्रम के माध्यम से देशभर में युवाओं और कंटेंट क्रिएटर्स का एक मजबूत नेटवर्क तैयार किया जाएगा। यह नेटवर्क सामाजिक न्याय, समानता और लोकतांत्रिक मूल्यों को जन-जन तक पहुंचाने का कार्य करेगा। मिश्रा ने बेरोजगारी, महंगाई, शिक्षा और सामाजिक असमानता जैसे मुद्दों पर युवाओं की भागीदारी को आवश्यक बताया। उन्होंने कहा कि कार्यक्रम के तहत प्रतिभागियों को तकनीकी प्रशिक्षण, कानूनी सहयोग और संगठनात्मक मार्गदर्शन भी दिया जाएगा। इस अवसर पर जिला कांग्रेस अध्यक्ष धर्मेश घई, नगर अध्यक्ष प्रभात द्विवेदी सहित कई अन्य पदाधिकारी उपस्थित रहे।





