Wednesday, 21 Oct 2026 | 09:06 AM

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बठिंडा के सरकारी स्कूल में लेडी टीचर से छेड़छाड़:सीनियर टीचर लैब में ले गया, किस किया, प्राइवेट पार्ट्स छुए; अंजाम भुगतने की धमकी दी

बठिंडा के सरकारी स्कूल में लेडी टीचर से छेड़छाड़:सीनियर टीचर लैब में ले गया, किस किया, प्राइवेट पार्ट्स छुए; अंजाम भुगतने की धमकी दी

बठिंडा के एक सरकारी स्कूल में महिला टीचर ने अपने सीनियर टीचर पर छेड़खानी के आरोप लगाकर केस दर्ज कराया है। लेडी टीचर का आरोप है कि उसे बहाने से टीचर लैब में ले गया और उसके दोनों गालों पर किस किया। जब वह रोने लगी तो आरोपी ने उसके प्राइवेट पार्ट्स को छुआ। महिला का आरोप है कि वह टीचर से छूटकर भागने लगी तो आरोपी ने उसे अंजाम भुगतने की धमकी दी। महिला की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। महिला टीचर का कहना है कि आरोपी स्कूल में उससे सीनियर है। उसने घटना के बारे में पहले स्कूल में साथी महिला टीचरों और परिजन को बताया था। इसके बाद पुलिस को शिकायत दी। पीड़ित लेडी टीचर ने वारदात की ये जानकारी दी… पहले महिला स्टाफ को बताया महिला टीचर ने बताया कि वह तेजी से भागकर लैब से बाहर आ गई। उसने कहा- मैं इतना डर गई कि किसी को बताने की हिम्मत नहीं कर सकी। काफी सहमी हुई कमरे में बैठ गई। बार-बार रोना आ रहा था। मुझे उदास और रोता देख कुछ महिला स्टाफ मुझसे कारण पूछने लगीं। मैंने रोते हुए उन्हें पूरी कहानी बता दी। ​परिजन को बताया, फिर पुलिस में शिकायत महिला टीचर ने कहा कि उसने अपने परिवार को फोन पर घटना के बारे में बताया। यह सुनकर परिजन स्कूल आए। फिर सभी पुलिस स्टेशन पहुंचे। वहां घटना के बारे में पुलिस को बताया, जिसके बाद पुलिस ने मामला दर्ज किया। थाना प्रभारी बोले- जल्द ही आरोपी को गिरफ्तार करेंगे थाना मोड़ मंडी प्रभारी तरनदीप सिंह ने बताया है लेडी टीचर ने शिकायत दर्ज कराई है। उसके साथ सहकर्मी टीचर ने छेड़खानी की। उसकी शिकायत पर आरोपी टीचर के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर ली है। उसकी गिरफ्तारी के लिए टीम लगाई गई है। अभी आरोपी फरार है। जल्द ही उसे गिरफ्तार किया जाएगा।

'शराब पीने के बाद ब्रेकअप कर लिया था':प्रणित मोरे के शो में श्रेयस अय्यर की बहन श्रेष्ठा ने पर्सनल लाइफ का किस्सा शेयर किया

'शराब पीने के बाद ब्रेकअप कर लिया था':प्रणित मोरे के शो में श्रेयस अय्यर की बहन श्रेष्ठा ने पर्सनल लाइफ का किस्सा शेयर किया

मुंबई में कॉमेडियन प्रणित मोरे के स्टैंडअप शो के दौरान क्रिकेटर श्रेयस अय्यर की बहन और इन्फ्लूएंसर श्रेष्ठा अय्यर ने बताया कि उन्होंने शराब पीने के बाद अपने बॉयफ्रेंड से ब्रेकअप कर लिया था। दरअसल, शो के दौरान प्रणित ने श्रेष्ठा से उनकी पर्सनल लाइफ को लेकर सवाल किए। बातचीत में प्रणित ने उनसे पूछा कि क्या वो शराब पीती हैं? जिस पर श्रेष्ठा ने कहा कि उन्होंने हाल ही में शराब पीना छोड़ दिया, लेकिन पहले वह पीती थीं। इसी दौरान उन्होंने अपने ब्रेकअप का किस्सा शेयर किया। शो में श्रेष्ठा के बगल में उनकी दोस्त बैठी थी। श्रेष्ठा ने बताया कि शराब पीने के बाद उन्होंने और उनकी दोस्त ने ब्रेकअप का फैसला लिया था। उन्होंने बताया कि उसी रात दोनों ने अलग-अलग अपने-अपने पार्टनर्स से रिश्ता खत्म किया। उन्होंने यह भी कहा कि उनके पार्टनर्स टॉक्सिक नहीं थे, लेकिन उन्हें लगा कि वे उनके लिए सही नहीं हैं। श्रेष्ठा सॉन्ग ‘एग्रीमेंट करले’ में नजर आई थीं श्रेष्ठा अय्यर एक इन्फ्लूएंसर, डांसर और कोरियोग्राफर हैं। वो फरवरी 2025 में फिल्म ‘सरकारी बच्चा’ के आइटम सॉन्ग ‘एग्रीमेंट करले’ में नजर आई थीं। इंस्टाग्राम पर भी वो कंटेंट पोस्ट करती रहती हैं। उनके कुछ पोस्ट में भाई श्रेयस भी नजर आते हैं। टाइम्स ऑफ इंडिया दिए इंटरव्यू में उन्होंने बताया था कि उन्हें रियलिटी शो जैसे ‘रोडीज’ और ‘स्प्लिट्सविला’ के ऑफर मिले थे, लेकिन उन्होंने भाग नहीं लिया।

कहीं आपका बच्चा डिहाइड्रेशन का शिकार तो नहीं हो रहा! पिंच टेस्ट से लगाएं पता, स्कूलों में शुरू हुआ ‘वॉटर बेल’

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Last Updated:April 19, 2026, 13:44 IST Health Tips: बढ़ती गर्मी और तेज धूप से अक्सर कुछ बच्चे डिहाइड्रेशन का शिकार हो जाते हैं, जिससे उनके स्वास्थ्य पर गहरा प्रभाव पड़ता है. कुछ केस में तो बच्चों की जान भी चली जाती है. इसके लिए पैरेंट्स को कुछ जरूरी बातों का ध्यान देने की जरूरत है. देहरादून: उत्तराखंड के सरकारी और निजी स्कूलों में अब पढ़ाई के बीच ‘वॉटर बेल’ यानी पानी की घंटी गूंजेगी, क्योंकि प्रशासन ने भीषण गर्मी और हीट वेव के बढ़ते प्रकोप को देखते हुए सभी स्कूलों को यह विशेष निर्देश जारी किए हैं. इसका मकसद बच्चों को नियमित अंतराल पर पानी पीने के लिए प्रोत्साहित करना है, क्योंकि अक्सर देखा जाता है कि छोटे बच्चे खेलकूद और पढ़ाई की व्यस्तता में पानी पीना भूल जाते हैं, जिससे उनके शरीर में पानी की कमी आ जाती है. अब स्कूल प्रशासन की जिम्मेदारी होगी कि वे घंटी बजाकर बच्चों को हाइड्रेटेड रहने के लिए काम करेंगे. बच्चों में डिहाइड्रेशन हो सकता है जानलेवा देहरादून के आयुर्वेदिक चिकित्सक सिराज सिद्दीकी बताते हैं कि उत्तराखंड प्रशासन की ओर से राज्य के स्कूलों में वॉटर बेल लगाने के निर्देश दिए गए हैं. इसका मतलब यह है कि गर्मियों के दिनों में हीट वेव और लू जैसी परेशानियां बच्चों को भी घेर लेती हैं. वहीं छोटे बच्चों को पता नहीं होता है कि उन्हें प्यास लगी है और पानी पीना है. खेल में उन्हें ध्यान नहीं रहता है और वह समय पर पानी नहीं पी पाते हैं, जिसके बाद डिहाइड्रेशन के शिकार हो जाते हैं. अगर आपका बच्चा कमजोर और सुस्त हो गया है, उसके होंठ सूखे हैं, आंखों के नीचे काले घेरे आ गए हैं, तो यह डिहाइड्रेशन के लक्षण हो सकते हैं. आप पिंच टेस्ट कर सकते हैं, मतलब बच्चे के हाथ की स्किन पर पिंच करें. अगर वह अपनी पहली अवस्था में नहीं आती है, तो वह गम्भीर रूप से डिहाइड्रेशन की चपेट में है. डिहाइड्रेशन से बचाव के लिए पानी के अलावा उसे ताजे फलों का रस भी दीजिए. हेल्थ को लेकर लापरवाही खतरनाकउन्होंने कहा कि डिहाइड्रेशन की परेशानी अगर गंभीर हो जाती है, तो लापरवाही बरतने पर यह जानलेवा भी हो सकती है. गर्मियों के मौसम में बच्चों की हेल्थ को लेकर लापरवाही भारी पड़ सकती है. छोटे बच्चे प्यास लगने पर भी तब तक पानी नहीं मांगते, जब तक वे पूरी तरह थक न जाएं. लगातार धूप और पसीने के चलते शरीर से तरल पदार्थ तेजी से खत्म होते हैं, जो बच्चों में डिहाइड्रेशन का कारण बनते हैं. प्रशासन की यह ‘वॉटर बेल’ न सिर्फ एक अनुशासन है, बल्कि बच्चों के स्वास्थ्य के प्रति एक सुरक्षा कवच भी साबित होगी, ताकि वे स्कूल परिसर में ऊर्जावान और सुरक्षित महसूस कर सकें. बच्चों के पेरेंट्स को भी ध्यान देने की जरूरत डॉ. सिद्दकी का कहना है कि अभिभावकों के लिए अपने बच्चों में डिहाइड्रेशन के लक्षणों को पहचानना बहुत जरूरी है. अगर आपका बच्चा सामान्य से ज्यादा सुस्त और कमजोर नजर आ रहा है, तो यह खतरे की घंटी हो सकती है. इसके साथ ही बच्चे के होंठों का सूखना और आंखों के नीचे काले घेरे आना शरीर में पानी की गंभीर कमी की ओर इशारा करते हैं. डिहाइड्रेशन के चलते बच्चों में एकाग्रता की कमी और चिड़चिड़ापन भी देखा जा सकता है. ऐसे लक्षणों को नजरअंदाज करना उनके लिए खतरनाक साबित हो सकता है. उन्होंने बताया कि सबसे पहले आप अगर बच्चे को बाहर ले जा रहे हैं, तो उसे कैप पहनाकर या छाता ओढ़ाकर लेकर जाएं. आप उसे इलेक्ट्रोल दे सकते हैं. नींबू पानी भी छोटे बच्चों के लिए अच्छा रहता है. ध्यान रहे कि आप उसे कॉल्ड ड्रिंक्स आदि ज्यादा न दें, क्योंकि वह बॉडी के शुगर और नमक को अवशोषित करती है, जिससे और ज्यादा प्यास लगती है. About the Author आर्यन सेठ आर्यन ने नई दिल्ली के जामिया मिलिया इस्लामिया से पत्रकारिता की पढ़ाई की और एबीपी में काम किया. उसके बाद नेटवर्क 18 के Local 18 से जुड़ गए. News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें Location : Dehradun,Uttarakhand First Published : April 19, 2026, 13:44 IST Disclaimer: इस खबर में दी गई दवा/औषधि और स्वास्थ्य से जुड़ी सलाह, एक्सपर्ट्स से की गई बातचीत के आधार पर है. यह सामान्य जानकारी है, व्यक्तिगत सलाह नहीं. इसलिए डॉक्टर्स से परामर्श के बाद ही कोई चीज उपयोग करें. Local-18 किसी भी उपयोग से होने वाले नुकसान के लिए जिम्मेदार नहीं होगा.

KKR-RR के बीच मुकाबला शुरू, वैभव ने की ओपनिंग:कोलकाता में हो रहा मैच, IPL में समस्तीपुर के दो खिलाड़ी हैं आमने-सामने

KKR-RR के बीच मुकाबला शुरू, वैभव ने की ओपनिंग:कोलकाता में हो रहा मैच, IPL में समस्तीपुर के दो खिलाड़ी हैं आमने-सामने

IPL में आज कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) और राजस्थान रॉयल्स के बीच ईडेन गार्डेन में मैच खेला जा रहा है। आज के मैच में बिहा के वैभव सूर्यवंशी और अनुकूल रॉय आज एक दूसरे के खिलाफ मैदान में उतरे हैं। राजस्थान ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला किया है। वैभव पारी की शुरुआत सिंगल से की। हालांकि, दूसरे ओवर में ओवर में लगातार दो चौके लगाए। वैभव अभी 7 बॉल पर 10 रन बनाकर क्रीज पर हैं। वैभव ऑरेंज कैप की रेस में 84 रन पीछे वैभव सूर्यवंशी ने IPL में अबतक शानदार प्रदर्शन किया है। वह इस सीजन में RR के टॉप बैटर हैं। उन्होंने 4 मैचों में 200 रन बनाए हैं। उन्होंने 2 अर्धशतक लगाए और उनका स्ट्राइक रेट 263.15 का रहा है। वैभव ने IPL में सबसे ज्यादा रन बनाकर ऑरेंज कैप भी अपने नाम किया था। मगर अभी ये कैप SRH के हैनरिक क्लासेन के पास है, जिन्होंने इस सीजन में अब तक 283 रन बनाए हैं।वैभव को ऑरेंज कैप की रेस में नंबर-1 बनने के लिए 84 रन चाहिए। सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ पिछले मैच में उनका बल्ला नहीं चल सका था। IPL में डेब्यू कर रहे प्रफुल हींगे ने वैभव को 0 पर आउट कर दिया। गोल्डन डक पर आउट होने के बाद वैभव सूर्यवंशी निराश नजर आए थे।

मप्र स्टेट बार काउंसिल चुनाव: 119 प्रत्याशी मैदान में:12 मई को मतदान, इंदौर से 22 वकील दावेदारों में चार महिलाएं भी शामिल

मप्र स्टेट बार काउंसिल चुनाव: 119 प्रत्याशी मैदान में:12 मई को मतदान, इंदौर से 22 वकील दावेदारों में चार महिलाएं भी शामिल

मध्य प्रदेश स्टेट बार काउंसिल के 25 प्रतिनिधियों के लिए 12 मई को होने वाले पांच वर्षीय चुनाव के लिए 119 प्रत्याशियों की सूची जारी कर दी गई है। निर्वाचन अधिकारी जस्टिस सुशील कुमार पालो द्वारा नामांकन पत्रों की जांच के बाद शुक्रवार को अधिकृत सूची सार्वजनिक की गई। चुनाव के लिए कुल 138 नामांकन पत्र जमा हुए थे, जिनमें से 19 विभिन्न कारणों से निरस्त कर दिए गए। अब 119 प्रत्याशी चुनावी मैदान में अपनी किस्मत आजमाएंगे। इंदौर से 22 वकील मैदान में इंदौर से कुल 22 वकील इस चुनाव में उम्मीदवार हैं, जिनमें चार महिला वकील भी शामिल हैं। स्टेट बार काउंसिल के मौजूदा सदस्य विवेक सिंह, सुनील गुप्ता, हितोषी जय हार्डिया, नरेंद्र कुमार जैन और खिलाड़ी लाल गनगौरे पुनः चुनाव मैदान में हैं। इसके अलावा इंदौर बार एसोसिएशन के 13 बार अध्यक्ष रह चुके सीनियर एडवोकेट सुरेंद्रकुमार वर्मा सहित निमेष पाठक, तनुज दीक्षित, राकेश सिंह भदौरिया, अखिलेश कुमार सक्सेना, विनोद द्विवेदी, शैलेंद्र मिश्रा, सीपी पुरोहित, राजेंद्र सिंह, कन्हैयालाल यादव, शेख अलीम, प्रीति तिवारी, प्रतिभा वालिया, नूरजहां खान, रेखा बोरवेल, शादाब खान और मोहम्मद शब्बीर खान जैसे नाम प्रमुख रूप से शामिल हैं। प्रदेशभर में एक साथ होगा मतदान मप्र स्टेट बार काउंसिल का चुनाव पूरे प्रदेश में एक ही दिन 12 मई को आयोजित किया जाएगा। प्रत्याशियों को प्रदेश के 55 जिलों में स्थित 270 बार एसोसिएशनों में जाकर मतदाताओं से संपर्क करना होगा। प्रदेश में लगभग 86 हजार अधिवक्ता मतदाता इस चुनाव में अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे। 22 अप्रैल को अंतिम सूची नाम वापसी की अंतिम तिथि 20 से 22 अप्रैल शाम 4 बजे तक निर्धारित की गई है। इसके बाद 22 अप्रैल को प्रत्याशियों की अंतिम सूची जारी कर दी जाएगी। चुनाव को लेकर सक्रियता बढ़ गई है और विभिन्न प्रत्याशी अपने-अपने समर्थन के लिए प्रदेशभर में संपर्क अभियान शुरू कर चुके हैं।

70 घंटे की नॉन-स्टॉप गेमिंग:जर्मनी में कैक्टस-2026: दो हजार गेमर्स का कंप्यूटर के सामने ही खाना-सोना

70 घंटे की नॉन-स्टॉप गेमिंग:जर्मनी में कैक्टस-2026: दो हजार गेमर्स का कंप्यूटर के सामने ही खाना-सोना

तस्वीर जर्मनी के लीपजिग शहर की है, जहां गेमिंग का सबसे बड़ा महाकुम्भ ‘कैक्टस 2026′ आयोजन किया गया। करीब 40,000 वर्ग मीटर में फैले इस विशाल फेस्टिवल का मुख्य आकर्षण जर्मनी की सबसे बड़ी LAN (लैन) पार्टी है। यहां गेमिंग, टेक्नोलॉजी और कम्युनिटी से जुड़े 2,000 गेमर्स अपने कंप्यूटर सेटअप के साथ 70 घंटे तक लगातार गेम खेलने का रोमांच अनुभव करते हैं। इस इवेंट के दौरान गेमर्स यहीं रहते हैं, यहीं खाते हैं और सोते भी हैं। इस साल पहली बार 18+ आयु वर्ग के लिए खास ‘Lvl 18 एरिया’ बनाया गया है, जबकि ‘FYNG सिटी’ जोन में लोग भविष्य में आने वाले नए गेम्स का लुत्फ उठा सकते हैं। इसके अलावा 5,000 वर्ग मीटर में फैले टेबलटॉप और कार्ड गेम्स जोन के साथ-साथ कॉसप्ले प्रतियोगिताएं, अत्याधुनिक तकनीक और फ्री-प्ले स्टेशंस भी दर्शकों को आकर्षित कर रहे हैं। इस पूरे मनोरंजन एरिया में 12 साल से ऊपर के बच्चे हिस्सा ले सकते हैं, जबकि 70 घंटे वाली मुख्य LAN पार्टी के लिए न्यूनतम उम्र 18 वर्ष तय की गई है

31 सवारियों से भरी बस खाई में गिरी,बच्चे की मौत:अजमेर से पुष्कर जा रही थी, 150 फीट नीचे गिरी; 5 की हालत गंभीर

31 सवारियों से भरी बस खाई में गिरी,बच्चे की मौत:अजमेर से पुष्कर जा रही थी, 150 फीट नीचे गिरी; 5 की हालत गंभीर

अजमेर में यात्रियों से भरी बस खाई में गिर गई। हादसे में एक बच्चे की मौत हो गई। पुष्कर जा रही बस में 31 यात्री सवारी थे। वे पीसांगन (अजमेर) में मायरा भरने जा रहे थे। इस दौरान पुष्कर की घाटी में बस बेकाबू हो गई। बस करीब 150 फीट नीचे गिरी है। हादसा पुष्कर से करीब 3 किलोमीटर पहले हुआ। हादसे के बाद पुष्कर घाटी में लंबा जाम लग गया है। बस में सवार सभी लोगों को पहले पुष्कर के सरकारी अस्पताल में लाया गया था। वहां से उन्हें अजमेर के जेएलएन हॉस्पिटल रेफर कर दिया है। इनमें से 5 की हालत गंभीर है। ग्रामीण सीओ रामचंद्र चौधरी ने बताया- सांझीसर से आगे हादसा हुआ है। घायलों को लोगों की मदद से हॉस्पिटल में भर्ती करवा दिया गया है। बाकी जांच की जा रही है। खबर लगातार अपडेट की जा रही है… इनपुट सहयोग- अभिषेक शर्मा, पुष्कर पल-पल की अपडेट के लिए ब्लॉग पढ़िए…

दावा- I-PAC ने बंगाल में 20 दिनों तक काम रोका:यह कंपनी ममता बनर्जी का चुनाव मैनेजमेंट देखती है; TMC बोली- ये झूठ

दावा- I-PAC ने बंगाल में 20 दिनों तक काम रोका:यह कंपनी ममता बनर्जी का चुनाव मैनेजमेंट देखती है; TMC बोली- ये झूठ

पश्चिम बंगाल में TMC का चुनावी मैनेजमेंट संभालने वाली संस्था (I-PAC) ने अचानक राज्य में अपने सभी कामकाज अस्थायी रूप से बंद करने का फैसला लिया है। सूत्रों के अनुसार, संस्था ने ई-मेल के जरिए पश्चिम बंगाल में काम कर रहे अपने कर्मचारियों को अगले 20 दिनों की छुट्टी पर भेज दिया है। मेल में लिखा गया है कि 11 मई को हालात की समीक्षा कर आगे की रणनीति तय की जाएगी। संस्था की ओर से भेजे गए मैसेज में ‘कानूनी वजहों’ का हवाला दिया गया है। हालांकि टीएमसी ने कहा- यह दावा पूरी तरह से बेबुनियाद है और ऐसा लगता है कि यह जमीनी स्तर पर भ्रम पैदा करने की एक जान-बूझकर की गई कोशिश है। I-PAC और उसके डायरेक्टर पर करोड़ों रुपए के कोयला चोरी घोटाले से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग का आरोप है। इस मामले में CBI ने 27 नवंबर 2020 को FIR दर्ज की थी। पूरा मामला करीब 2,742 करोड़ रुपए से जुड़ा है। पिछले चार महीनों में दो बार में देश भर के चार से ज्यादा आफिसों में रेड पड़ चुकी है। TMC बोली- यह भ्रम पैदा करने की जान-बूझकर कोशिश की गई टीएमसी ने एक बयान जारी करते हुए कहा- हमें एक मीडिया रिपोर्ट मिली है जिसमें दावा किया गया है कि IPAC ने अगले 20 दिनों के लिए पश्चिम बंगाल में अपना काम रोक दिया है। यह दावा पूरी तरह से बेबुनियाद है और ऐसा लगता है कि यह जमीनी स्तर पर भ्रम पैदा करने की एक जान-बूझकर की गई कोशिश है। IPAC टीम TMC के साथ पूरी तरह से जुड़ी हुई है और पूरे राज्य में चुनाव प्रचार का काम योजना के अनुसार जारी है। बंगाल के लोग इन कोशिशों को समझने में पूरी तरह से सक्षम हैं और वे लोकतांत्रिक तरीके से इसका जवाब देंगे। पश्चिम बंगाल गलत जानकारी या डराने-धमकाने से प्रभावित नहीं होगा। वे 23 और 29 तारीख को निर्णायक रूप से जवाब देंगे और 4 मई को आने वाले नतीजे उनके फैसले को दिखाएंगे। I-PAC ठिकानों पर पिछली दो रेड… 2 अप्रैल को दिल्ली-बेंगलुरु, हैदराबाद के ठिकानों पर रेड प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने 2 अप्रैल को पॉलिटिकल कंसल्टेंट कंपनी I-PAC के तीन ठिकानों पर छापेमारी की। टीम ने दिल्ली, बेंगलुरु और हैदराबाद में कंपनी के दफ्तरों पर कार्रवाई की। अधिकारियों के मुताबिक, छापेमारी कोयला चोरी और घोटाले से जुड़े मामले में हुई। 8 जनवरी को पहली बार रेड के बीच पहुंची थीं ममता 8 जनवरी को ED की टीम ने प्रतीक जैन के कोलकाता के गुलाउडन स्ट्रीट स्थित घर और दूसरी टीम सॉल्टलेक स्थित दफ्तर पर छापा मारा था। प्रतीक जैन ही ममता बनर्जी के लिए पॉलिटिकल स्ट्रैटजी तैयार करते हैं। कार्रवाई सुबह 6 बजे से शुरू हुई थी, लेकिन करीब 11:30 बजे के बाद मामला बढ़ा। सबसे पहले कोलकाता पुलिस कमिश्नर, प्रतीक के आवास पर पहुंचे। कुछ समय बाद सीएम ममता बनर्जी खुद लाउडन स्ट्रीट स्थित उनके घर पहुंच गईं। ममता वहां कुछ देर रुकीं। जब बाहर निकलीं, तो उनके हाथ में एक हरी फाइल दिखाई दी। इसके बाद वे I-PAC के ऑफिस भी गईं। नॉलेज पॉइंट: जानिए I-PAC के बारे में ममता अपने भतीजे अभिषेक बनर्जी और I-PAC के को-फाउंडर और डायरेक्टर प्रतीक जैन (दाएं) के साथ। यह फोटो प्रतीक ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर 4 जून 2024 को पोस्ट की थी। I-PAC (Indian Political Action Committee) एक पॉलिटिकल कंसलटेंट फर्म है। इसके डायरेक्टर प्रतीक जैन हैं। यह राजनीतिक दलों को चुनावी रणनीति, डेटा-आधारित कैंपेन, मीडिया प्लानिंग और वोटर आउटरीच में मदद करती है। I-PAC पहले Citizens for Accountable Governance (CAG) थी। इसकी शुरुआत 2013 में प्रशांत किशोर ने प्रतीक के साथ की थी। बाद में इसका नाम I-PAC रखा गया। प्रशांत किशोर के हटने के बाद I-PAC की कमान प्रतीक के पास आ गई। प्रशांत ने बाद में बिहार में ‘जन सुराज’ पार्टी बनाई। I-PAC तृणमूल कांग्रेस (TMC) के साथ 2021 से जुड़ी है। ————– ये खबर भी पढ़ें… I-Pac रेड विवाद-ममता पर पावर के गलत इस्तेमाल का आरोप:ED सुप्रीम कोर्ट में बोली-CM के फायदे के लिए पुलिस ने काम में रुकावट डाली केंद्रीय जांच एजेंसी एनफोर्समेंट डायरेक्टरेट (ED) ने आरोप लगाया है कि पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने अपनी पावर का गलत इस्तेमाल किया है। एजेंसी ने सुप्रीम कोर्ट में कहा कि CM और राज्य की मशीनरी कथित कोयला चोरी स्कैम के सिलसिले में I-PAC ऑफिस और उसके डायरेक्टर के ठिकानों पर रेड के दौरान गैर-कानूनी तरीके से घुसे। पूरी खबर पढ़ें…

खाने से पहले आम को पानी में क्यों भिगोना चाहिए? यहां जानें इसके पीछे का कारण

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Last Updated:April 19, 2026, 12:41 IST गर्मियों में आम खाना हर किसी को पसंद होता है, लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि इसे खाने से पहले पानी में भिगोना क्यों जरूरी माना जाता है? दरअसल, इसके पीछे कई वैज्ञानिक और पारंपरिक कारण छिपे हुए हैं, जो आपकी सेहत से जुड़े हैं. Mango जैसे ही गर्मियों का मौसम आता है, ‘फलों का राजा’ आम बाज़ारों में हर जगह नज़र आने लगता है. छोटे बच्चों से लेकर बड़ों तक, हर कोई आम के स्वाद का दीवाना हो जाता है. हालांकि, डॉक्टर चेतावनी देते हैं कि सिर्फ़ स्वाद की चाह में बिना सोचे-समझे आम खाने से सेहत से जुड़ी परेशानियां हो सकती हैं. ऐसे में आम खाने के फ़ायदों और उससे जुड़ी ज़रूरी सावधानियों के बारे में कुछ अहम बातें बताई हैं. आम तौर पर, गर्मियों के मौसम में जो फल प्राकृतिक रूप से उगते हैं, वे हमारे शरीर के लिए बहुत फ़ायदेमंद होते हैं. आम में पानी की मात्रा बहुत ज़्यादा होती है; ये न सिर्फ़ गर्मी से लड़ने में मदद करते हैं, बल्कि शरीर को ज़रूरी हाइड्रेशन भी देते हैं। इससे यह पक्का होता है कि शरीर में पानी की कमी न हो. आम में मौजूद विटामिन और पोषक तत्व शरीर को तुरंत ऊर्जा देते हैं. यह आम तौर पर माना जाता है कि आम शरीर के लिए बहुत ही बढ़िया होते हैं. कोई भी चीज़ सेहत के लिए तभी फ़ायदेमंद होती है, जब उसे सीमित मात्रा में खाया जाए। आम खाने से सेहत को कई फ़ायदे होते हैं, लेकिन, अगर इन्हें ज़्यादा मात्रा में खाया जाए, तो ये शरीर की गर्मी बढ़ा सकते हैं. खास तौर पर, ज़्यादा आम खाने से शरीर का अंदरूनी तापमान बढ़ जाता है, जिससे चेहरे और शरीर पर मुहासे या रैशेज़ निकल सकते हैं. इसके अलावा, तय सीमा से ज़्यादा आम खाने से पाचन तंत्र पर बुरा असर पड़ सकता है, जिससे दस्त या पेट से जुड़ी दूसरी परेशानियां हो सकती हैं. छोटे बच्चों को आम बहुत पसंद होता है. वे जितने भी आम मिलें, सब खा लेते हैं. लेकिन माता-पिता को उनके मामले में सावधान रहना चाहिए. कई बच्चे आम को छिलके समेत ही खा लेते हैं. यह बिल्कुल भी अच्छा नहीं है. आम के छिलके में कुछ केमिकल्स या स्राव होते हैं, जो त्वचा पर लगने से खुजली हो सकती है. इसलिए आम को अच्छे से धोकर, छिलका निकालकर और टुकड़ों में काटकर देना सबसे अच्छा है. बच्चों का शरीर बहुत संवेदनशील होता है. इसलिए उन्हें एक से ज्यादा आम न दें. अगर आमों का सेवन सही तरीके से और सीमित मात्रा में किया जाए, तो वे शरीर के लिए अत्यंत लाभकारी होते हैं. हालांकि, अगर  स्वाद के चक्कर में इनका अत्यधिक सेवन कर लिया जाए, तो यह स्वास्थ्य के लिए हानिकारक भी हो सकता है. About the Author Rajvant Prajapati With more than 4 years above of experience in Digital Media. Currently I am working with News 18. Here, I am covering Hyperlocal News, Agriculture, Lifestyle, Health & Wellness, Beauty, Fashion, Religion an…और पढ़ें News18 न्यूजलेटर अब ईमेल पर इनसाइड स्‍टोर‍ीज खबरों के पीछे की खबर अब आपके इनबॉक्‍स में सबमिट करें First Published : April 19, 2026, 12:39 IST

शादी से लौट रहे 3 युवक हादसे का शिकार:छिंदवाड़ा में बाइक का एक्सीडेंट; 1 की मौत, 2 गंभीर घायल

शादी से लौट रहे 3 युवक हादसे का शिकार:छिंदवाड़ा में बाइक का एक्सीडेंट; 1 की मौत, 2 गंभीर घायल

छिंदवाड़ा-अमरवाड़ा रोड पर रविवार को एक दर्दनाक सड़क हादसा हो गया। पिंडई डबीर पेट्रोल पंप के पास शादी समारोह से लौट रहे बाइक सवार तीन युवक दुर्घटना का शिकार हो गए। वर्तमान में इस हादसे में एक युवक की मौके पर ही मौत हो गई है, जबकि दो अन्य गंभीर घायलों का अमरवाड़ा अस्पताल में इलाज जारी है। सड़क किनारे पड़े मिले युवक, पुलिस ने अस्पताल पहुंचाया स्थानीय लोगों के मुताबिक, घटना के बाद सड़क किनारे बाइक गिरी हुई नजर आई। इसके साथ ही तीनों युवक आसपास बेसुध पड़े हुए थे। घटना की सूचना मिलते ही सिंगोड़ी पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची। पुलिस ने बिना देर किए दोनों घायलों को अमरवाड़ा अस्पताल पहुंचाया। फिलहाल दोनों घायलों का इलाज जारी है और उनकी हालत गंभीर बताई जा रही है। युवकों की शिनाख्त जारी, हादसे का कारण अज्ञात पुलिस के अनुसार, फिलहाल मृतक और घायल युवकों की पहचान की जा रही है। यह हादसा किन कारणों से और कैसे हुआ, इसका अभी तक स्पष्ट पता नहीं चल सका है। सिंगोड़ी पुलिस ने पूरे मामले को जांच में लिया है और दुर्घटना के सही कारणों का पता लगाने में जुटी हुई है।