‘ऑपरेशन सिंदूर’ पर फिल्म का ऐलान:विवेक अग्निहोत्री करेंगे डायरेक्शन, के.जे.एस. ढिल्लों की किताब पर आधारित प्रोजेक्ट होगा

भूषण कुमार और विवेक अग्निहोत्री ने गुरुवार को ‘ऑपरेशन सिंदूर’ पर फिल्म बनाने का ऐलान किया है। यह फिल्म पहलगाम आतंकी हमले के बाद पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर में भारतीय सेना की कार्रवाई से प्रेरित होगी। फिल्म लेफ्टिनेंट जनरल के.जे.एस. ढिल्लों (रिटायर्ड) की किताब “ऑपरेशन सिंदूर: द अनटोल्ड स्टोरी ऑफ इंडियाज डीप स्ट्राइक्स इनसाइड पाकिस्तान” पर आधारित होगी। इसका डायरेक्शन विवेक अग्निहोत्री करेंगे। इस प्रोजेक्ट को भूषण कुमार की टी-सीरीज और अग्निहोत्री की आई एम बुद्धा प्रोडक्शंस मिलकर प्रोड्यूस करेंगे। मेकर्स के मुताबिक, फिल्म में भारत की ताकत, हिम्मत और सटीक कार्रवाई को दिखाया जाएगा। ऑपरेशन सिंदूर मई 2025 में हुआ था ऑपरेशन सिंदूर भारतीय सेना की 6-7 मई 2025 की रात पाकिस्तान में आतंकी ठिकानों पर की गई जवाबी कार्रवाई थी। यह ऑपरेशन 22 अप्रैल 2025 को पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद किया गया था, जिसमें 26 लोगों की मौत हुई थी। ऑपरेशन सिंदूर का उद्देश्य हमले के जिम्मेदार आतंकी ठिकानों को नष्ट करना था। फिल्म को लेकर भूषण कुमार ने कहा कि यह कहानी खुद सामने आई है और इसे जिम्मेदारी के साथ दिखाना जरूरी है। उन्होंने इसे देश की एक अहम घटना को दर्ज करने की कोशिश बताया। वहीं, निर्देशक विवेक अग्निहोत्री ने कहा कि फिल्म के लिए भारतीय सेना के अलग-अलग विभागों के साथ मिलकर गहराई से रिसर्च किया गया, ताकि घटनाओं को सही तरीके से समझा जा सके। अग्निहोत्री ने यह भी कहा कि उनकी कोशिश इस कहानी को सही और असली रूप में दर्शकों तक पहुंचाने की है। उन्होंने इसे गंभीर और सटीक तरीके से पेश करने की बात कही। फिल्म से जुड़ी अन्य जानकारी जल्द जारी की जाएगी।
फिल्म ‘धुरंधर’ के चलते क्या पाकिस्तान में भिखारियों पर एक्शन?:जासूसी के शक में सर्च ऑपरेशन चलाए जाने का दावा, जानें सच्चाई

पाकिस्तान में भिखारियों के खिलाफ चल रहा बड़ा पुलिस ऑपरेशन इन दिनों सोशल मीडिया पर अचानक चर्चा का विषय बन गया। इसकी वजह सिर्फ बड़ी संख्या में गिरफ्तारियां नहीं हैं, बल्कि इस कार्रवाई को भारतीय फिल्म ‘धुरंधर’ से जोड़कर वायरल किया जा रहा है। सोशल मीडिया पर दावा किया जा रहा है कि फिल्म में रणवीर सिंह के किरदार ‘हमजा’ का खुलासा होने के बाद पाकिस्तान में भिखारियों के खिलाफ स्पेशल सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया। वायरल दावों में कहा गया कि पुलिस भिखारियों के भेष में छिपे ‘रॉ’ के जासूसों की तलाश कर रही है। हालांकि, फैक्ट चेक में यह गलत पाया गया और कोई आधिकारिक संबंध नहीं मिला। सर्च ऑपरेशन 2025 से चल रहा है आज तक की रिपोर्ट के अनुसार, पाकिस्तान में भिखारियों के खिलाफ सर्च ऑपरेशन साल 2025 से जारी है। पुलिस और एजेंसियां सड़कों से एयरपोर्ट तक कार्रवाई कर रही हैं। करीब 66,000 लोग डिटेन हुए, हजारों पासपोर्ट सस्पेंड हुए और कई लोग खाड़ी देशों से डिपोर्ट किए गए। जांच में सामने आया कि भिखारियों के पीछे संगठित नेटवर्क काम कर रहे थे। इनमें बच्चों और महिलाओं का इस्तेमाल कर पैसे कमाने वाले गैंग शामिल थे। कुछ मामलों में इनका संबंध चोरी और ड्रग्स से भी जुड़ा पाया गया। कार्रवाई के वीडियो सामने आए सोशल मीडिया पर इस कार्रवाई के वीडियो वायरल हुए, जिनमें पुलिस टीमें भिखारियों और संदिग्धों को पकड़ती दिख रही हैं। इन्हीं वीडियो को भारतीय फिल्म ‘धुरंधर’ से जोड़कर दावा किया गया कि फिल्म में रणवीर सिंह के किरदार के चलते यह ऑपरेशन शुरू हुआ। हालांकि, यह कनेक्शन सिर्फ सोशल मीडिया पर बनाया गया नैरेटिव है। किसी भी आधिकारिक स्रोत ने फिल्म और इस ऑपरेशन के बीच संबंध की पुष्टि नहीं की है। सरकार का कहना है कि इस अभियान का उद्देश्य शहरों को भिखारी-मुक्त बनाना, मानव तस्करी पर रोक लगाना और देश की इंटरनेशनल इमेज सुधारना है। अब कार्रवाई का फोकस गैंग चलाने वालों पर है। इंटेलिजेंस सिस्टम और सेफ सिटी कैमरों की मदद से इन नेटवर्क्स को ट्रैक किया जा रहा है। विशेषज्ञों के अनुसार, समस्या की जड़ गरीबी और बेरोजगारी है, इसलिए केवल गिरफ्तारी ही नहीं, बल्कि पुनर्वास भी जरूरी है।
दतिया मेडिकल कॉलेज में जूनियर डॉक्टर टांके लगाना भूली:दोबारा ऑपरेशन कर 5 यूनिट खून चढ़ाया, प्रसूता आईसीयू में भर्ती

दतिया जिला अस्पताल से जुड़े मेडिकल कॉलेज में जूनियर डॉक्टर पर इलाज में गंभीर लापरवाही के आरोप लगे हैं। मंगलवार को प्रसव के लिए भर्ती हुई 26 वर्षीय महिला की ऑपरेशन के बाद हालत बिगड़ गई। आरोप है कि, ऑपरेशन के दौरान अंदर टांके नहीं लगाए गए, जिससे ब्लीडिंग शुरू हो गई और ज्यादा खून बहने से महिला की जान पर बन आई। जानकारी के अनुसार ग्राम भागौर निवासी शिवम यादव की पत्नी रूबी यादव को सोमवार रात प्रसव पीड़ा होने पर भर्ती कराया गया था। मंगलवार सुबह उसका ऑपरेशन किया गया, लेकिन कुछ ही देर बाद उसकी हालत बिगड़ने लगी। महिला को असामान्य रूप से अधिक रक्तस्राव होने लगा। दोबारा ऑपरेशन कर टांके लगाए स्थिति गंभीर होते देख प्रभारी डॉक्टर श्वेता यादव को तत्काल बुलाया गया। उन्होंने पहुंचते ही महिला का दोबारा ऑपरेशन किया। जिसके बाद किसी तरह उसकी जान बचाई जा सकी। फिलहाल प्रसूता की हालत गंभीर बनी हुई है और उसे ICU में भर्ती रखा गया है। जबकि नवजात शिशु को SNCU में निगरानी में रखा गया है। जूनियर डॉक्टर पर लापरवाही का आरोप परिजनों का आरोप है कि ड्यूटी पर मौजूद जूनियर डॉक्टर प्रियंका ने ऑपरेशन के दौरान अंदर टांके नहीं लगाए, जिससे महिला को भारी ब्लीडिंग हुई। यही लापरवाही उसकी जान पर भारी पड़ गई। अत्यधिक रक्तस्राव के चलते महिला को पांच यूनिट ब्लड चढ़ाना पड़ा। सूत्रों के अनुसार ब्लड बैंक में पर्याप्त खून उपलब्ध नहीं था, जिसके कारण तत्काल व्यवस्था करने में भी मशक्कत करनी पड़ी। पहले भी हो चुका है ऑपरेशन बताया जा रहा है कि रूबी यादव की यह दूसरी डिलीवरी है। चार साल पहले भी उसका ऑपरेशन से प्रसव हुआ था और उसकी एक चार साल की बेटी है। CMO बोले—जांच के बाद होगी कार्रवाई मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. वी.के. वर्मा ने बताया कि महिला की हालत में सुधार हो रहा है। पूरे मामले की जांच कराई जाएगी और जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
ऑपरेशन की जरूरत नहीं! इस पौधे के सामने फेल है पत्थरचट्टा, ऐसे किया सेवन तो किडनी से गायब होंगे स्टोन्स

Kidney stone remedy: पथरी के लिए अपामार्ग पौधा उपयोगी है. रविकांत पांडे के अनुसार इसकी जड़ का सेवन पथरी को तोड़कर बाहर निकालता है. किडनी स्टोन के लिए गुनगुने पानी और अन्य स्टोन के लिए ठंडे पानी के साथ लें.
ऑपरेशन सिंदूर के बाद धुरंधर से पाकिस्तानी सिंगर की एंट्री:1 गीत के 45 लाख लिए, जालंधर के खान साब ने गाया आरी-आरी, जैसमीन-सरताज का कोलैब

पंजाबी गायकों ने धुरंधर द रिवेंज में अपनी आवाज से धमाल मचाई है। वहीं ऑपरेशन सिंदूर के बाद पाकिस्तानी कलाकारों के विरोध के बावजूद इस मूवी से पाकिस्तानी सिंगर की एंट्री हुई है। हसन जहांगीर को उसके सांग हवा-हवा के लिए 45 लाख रुपए दिए गए हैं। फिल्म के टाइटल सांग आरी-आरी को जालंधर के खान साब ने अपनी क्लासिकल आवाज दी है। इसके साथ ही जैसमीन सैंडलस और सतिंदर सरताज ने भी कोलैब किया है। गुरुवार को रिलीज हुई धुरंधर मूवी के प्रीमियर पर पंजाबी सिंगर जैसमीन और खान साब स्टेज पर नजर आए। रणबीर सिंह ने बार-बार की गाने की फरमाइस इस दौरान फिल्म के एक्टर रणवीर सिंह खान साब से बार-बार गीत सुनने की फरमाइश करते नजर आए। खान साब ने पूछा कौन सा गीत सुनना है। इस पर रणबीर कहते हैं कि वही वाला। खान साब फिर पूछते हैं कौन सा। रणबीर कहते हैं वही वाला। मुझे तो दिल पे जख्म पसंद है। इस पर खान साब उनको दिल पे जख्म खाते हैं सांग सुनाते हैं जिस पर रणबीर खूब झूमते हैं। बता दें कि दिल पे जख्म खाते सांग से ही जालंधर के रहने वाले खान साब को पहचान मिली थी। उनको भारत का नुसरत फ्तेह अली खान साहब भी कहा जाता है। खान साब ने खुद स्टेज से कहा कि वह जालंधरी हैं और कपूरथला में रह रहे हैं। पंजाबी आ गए से खान साब ने सबको संबोधित किया। धुरंधर-1 में दिलजीत ने गाया था सांग धुरंधर के पार्ट 1 में पंजाबी और बालीवुड सिंगर और जालंधर के ही रहने वाली दिलजीत दोसांझ ने अपनी आवाज दी थी। दिलजीत ने रैपर सिंगर हनुमान काइंड के साथ यार दी जिप्सी रौंदां दे नाल भरी होई है गाया था। ईजी-ईजी टाइटल से रिलीज इस गीत को लोगों को बहुत प्यार मिला था। जानें मूवी को लेकर किसने क्या कहा… खान साब बोले-मेरे लिए रुहानी अनुभव: खान साब ने कहा कि मेरे लिए धुरंधर के संगीत का हिस्सा बनना एक रूहानी अनुभव रहा है। आदित्य धर पाजी और शाश्वत सचदेव ने जिस तरह से मिट्टी की खुशबू और आधुनिक संगीत का मेल किया है, वह बेमिसाल है। आरी आरी गाते वक्त मुझे वही पुरानी पंजाब की ऊर्जा महसूस हुई। मुझे खुशी है कि लोग इस संगीत को इतना प्यार दे रहे हैं। जैस्मीन सैंडलस मेरे लिए इनोशनल मूवी पंजाबी सिंगर जैसमीन सैंडलस ने कहा कि यह फिल्म सिर्फ एक एक्शन मूवी नहीं, बल्कि एक इमोशन है। इसके पंजााबी गीतों के जरिए हमने एक नई साउंड पेश करने की कोशिश की है। रणवीर सिंह की एनर्जी ने मेरे गानों में जान फूंक दी है। यह मेरे करियर के सबसे बड़े प्रोजेक्ट्स में से एक है और मैं इसकी सफलता से बहुत उत्साहित हूं। सतिंदर सरताज ने गाया सूफी कलाम सतिंदर सरताज ने कहा कि मैंने इस फिल्म में नूर-ए-इलाही जैसा सूफी कलाम पेश किया है, जो फिल्म की डेफ्थ को दर्शाता है। यह फिल्म न्याय और बदले की एक सूफियाना जंग जैसी है। आदित्य धर का विजन बहुत स्पष्ट था कि संगीत फिल्म की कहानी का हिस्सा लगे, न कि सिर्फ मनोरंजन। यह एक ऐतिहासिक सिनेमाई अनुभव है। जानें पाकिस्तानी सिंगर को क्यों मिला इतना पैसा 90 के दशक की यादों को ताजा करने के लिए चुना गया पाकिस्तानी पॉप सिंगर हसन जहांगीर 80 के दशक के सबसे सक्सेस सिंगर हैं। उनको अपने क्लासिक गीत हवा-हवा से वर्ल्डवाइड पहचान मिली। फिल्म धुरंधर के निर्माताओं द्वारा इस गाने का चुनाव करने के पीछे मुख्य उद्देश्य दर्शकों को 90 के दशक की पुरानी यादों को नए एक्शन के साथ जोड़ना था। रणवीर सिंह की एनर्जी और फिल्म के स्पाई-थ्रिलर बैकड्रॉप के लिए इस गाने की धुन एकदम सटीक बैठती है। इसके इस्तेमाल के लिए हसन जहांगीर को 46 लाख रुपए पेमेंट की गई।
वायुसेना का सुखोई फाइटर जेट असम में लापता:दावा- कार्बी आंगलॉन्ग जिले में लोगों ने धमाका सुना; सर्च ऑपरेशन लॉन्च

भारतीय वायु सेना (IAF) का एक सुखोई Su‑30MKI फाइटर जेट गुरुवार को असम में अचानक रडार से गायब हो गया। अधिकारियों के मुताबिक विमान से रडार संपर्क टूटने के बाद तुरंत स्थिति का पता लगाने के लिए खोज और जांच की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। शुरुआती जानकारी के मुताबिक 4.5 जेनरेशन का एयरक्राफ्ट सुखोई-30 जेट गुरुवार शाम करीब 7 बजे कार्बी आंगलॉन्ग जिले में लापता हुआ। रिपोर्ट्स में दावा किया गया कि एयरक्राफ्ट क्रैश हो गया है और वहां लोगों ने धमाका सुना है। हालांकि आधिकारिक रूप से इस बात की पुष्टि नहीं हुई है। यह फाइटर जेट नियमित उड़ान या मिशन पर था, तभी अचानक उसका ग्राउंड कंट्रोल से संपर्क टूट गया। रडार से संपर्क समाप्त होने के बाद वायु सेना ने तुरंत अलर्ट जारी करते हुए घटना की जांच के लिए IAF टीम को असम रवाना किया है। भारतीय वायुसेना के अधिकारियों ने बताया कि फिलहाल विमान की सटीक स्थिति और संपर्क टूटने की वजह का पता लगाया जा रहा है। फिलहाल वायु सेना की टीमें घटनास्थल का पता लगाने में जुटी हुई हैं। इलाके में खोज अभियान भी चलाया जा रहा है ताकि विमान और उसमें सवार पायलटों के बारे में जानकारी मिल सके। मल्टीरोल फाइटर जेट है सुखोई सुखोई Su‑30MKI भारतीय वायुसेना के सबसे उन्नत और ताकतवर लड़ाकू विमानों में से एक माना जाता है। यह दो इंजन वाला मल्टीरोल फाइटर जेट है, जिसका इस्तेमाल वायु रक्षा, लंबी दूरी की स्ट्राइक और निगरानी जैसे महत्वपूर्ण मिशनों में किया जाता है। भारत में SU-30MKI 12 सालों में 8 बार क्रैश 1. 4 जून 2024- नासिक, महाराष्ट्र भारतीय वायुसेना का SU-30MKI जेट ट्रेनिंग उड़ान पर था। उड़ान के दौरान तकनीकी खराबी आने पर विमान नासिक के पास खेत में गिर गया। दोनों पायलटों ने समय रहते इजेक्ट कर लिया और सुरक्षित बच गए। 2. 28 जनवरी 2023- मध्य प्रदेश- ग्वालियर से ट्रेनिंग मिशन पर उड़े दो लड़ाकू विमान SU-30MKI और Mirage-2000 हवा में टकरा गए। SU-30 के दोनों पायलट सुरक्षित निकल आए, लेकिन मिराज-2000 के पायलट की मौत हो गई। 3. 8 अगस्त 2019- तेजपुर, असम तेजपुर एयरबेस से उड़ान भरने के कुछ ही समय बाद विमान में तकनीकी समस्या आ गई। पायलटों ने विमान से इजेक्ट कर लिया। दोनों सुरक्षित बच गए। 4. 27 जून 2018- नासिक, महाराष्ट्र हिंदुस्तान एरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL) के टेस्ट पायलट SU-30MKI की टेस्ट उड़ान कर रहे थे। इसी दौरान विमान क्रैश हो गया। दोनों पायलट समय पर बाहर निकल गए और सुरक्षित रहे। 5. 23 मई 2017- अरुणाचल प्रदेश सीमा क्षेत्र तेजपुर एयरबेस से उड़ान भरने के बाद SU-30MKI से संपर्क टूट गया। बाद में अरुणाचल प्रदेश के पहाड़ी इलाके में विमान का मलबा मिला। इस हादसे में दोनों पायलटों की मौत हो गई। 6. 15 मार्च 2017- बाड़मेर, राजस्थान ट्रेनिंग मिशन के दौरान विमान क्रैश हो गया। दोनों पायलट सुरक्षित बाहर निकल आए। हादसे में जमीन पर मौजूद तीन लोग घायल हो गए। 7. 14 अक्टूबर 2014- पुणे, महाराष्ट्र पुणे के पास ट्रेनिंग उड़ान के दौरान SU-30MKI दुर्घटनाग्रस्त हो गया। दोनों पायलटों ने समय रहते विमान छोड़ दिया और सुरक्षित रहे। 8. 19 मई 2015- तेजपुर, असम विमान ने तेजपुर एयरबेस से उड़ान भरी थी, लेकिन कुछ ही देर बाद तकनीकी खराबी आ गई। पायलटों ने इजेक्ट कर लिया और सुरक्षित बच गए। —————————————- ये खबर भी पढ़ें… भारत का तेजस फाइटर जेट दुबई एयर शो में क्रैश, पायलट की भी मौत, हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा के रहने वाले थे दुबई एयर शो में भारतीय वायुसेना का तेजस फाइटर जेट क्रैश हो गया। हादसा अल मकतूम एयरपोर्ट पर जारी एयर शो में एक डेमो फ्लाइट के दौरान हुआ। न्यूज एजेंसी AP के मुताबिक हादसा 3.40 बजे हुआ। विमान के गिरते ही उसमें आग लग गई और हवाई अड्डे के ऊपर काले धुएं का गुबार देखा गया। एयरफोर्स ने बताया कि हादसे में पायलट की भी मौत हो गई। पूरी खबर पढ़ें…
नसबंदी कैंप में सर्जन ने ऑपरेशन नहीं किए:कहा- यहां सुविधाएं और सामान नहीं, लोग बोले- जब व्यवस्था नहीं थी, तो प्रचार क्यों किया?

बालाघाट जिले के लालबर्रा में 24 फरवरी को नसबंदी शिविर में भारी अव्यवस्था देखने को मिली। स्वास्थ्य विभाग की तैयारी पूरी न होने के कारण शिविर को रद्द करना पड़ा, जिससे दूर-दराज से आए दर्जनों महिला-पुरुष बिना ऑपरेशन कराए ही लौट गए। मंगलवार को यह शिविर छात्रावास भवन में चल रहे अस्थाई अस्पताल में लगाया गया था। सुबह से ही लोग ऑपरेशन के लिए लाइन में लगे थे, लेकिन दोपहर करीब 3-4 बजे मंडला से आए सर्जन डॉ. गौरव जेटली ने हाथ खड़े कर दिए। उन्होंने बताया कि अस्पताल में ऑपरेशन के लिए जरूरी बुनियादी सुविधाएं और सामान मौजूद नहीं था। ऐसे में ऑपरेशन करना मरीज की जान के लिए जोखिम भरा हो सकता था। लोगों में नाराजगी और विभाग पर सवाल शिविर रद्द होने पर लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। अपनी पत्नी का ऑपरेशन कराने पहुंचे सागर और कांग्रेस नेता मनीष कुशवाहा ने विभाग की लापरवाही पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि जब अस्पताल में सुविधाएं ही नहीं थीं, तो गरीबों को परेशान करने के लिए शिविर का प्रचार क्यों किया गया? बीएमओ का आश्वासन इस मामले पर बीएमओ डॉ. रीतु धुर्वे ने कहा कि लोगों को परेशान होने की जरूरत नहीं है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि या तो इसी भवन में व्यवस्था सुधार कर दोबारा शिविर लगाया जाएगा, या फिर स्वास्थ्य विभाग खुद की गाड़ियों से लोगों को बालाघाट ले जाकर वहां ऑपरेशन करवाएगा।
आइसक्रीम से वैश्विक कंपनियों का मोहभंग:नेस्ले ने भी समेटा कारोबार, शुरू किया ऑपरेशन क्लीनअप; फोकस- मुनाफे वाले मुख्य सेगमेंट पर

दुनिया की सबसे बड़ी खाद्य और पेय कंपनी नेस्ले आइसक्रीम के कारोबार को ‘ठंडे बस्ते’ में डालने जा रही है। दरअसल वैश्विक एफएमसीजी सेक्टर में कुछ समय से एक ट्रेंड देखा जा रहा है। दिग्गज कंपनियों का आइसक्रीम बिजनेस से मोहभंग हो रहा है। नेस्ले ने पुष्टि की है कि वह अपने शेष आइसक्रीम पोर्टफोलियो को संयुक्त उद्यम साझेदार ‘फ्रोनेरी’ को बेचने के लिए बातचीत कर रही है। इस सौदे में हागेन-डाज और ड्रमस्टिक जैसे प्रतिष्ठित ब्रांड शामिल हैं, जिनकी कुल वैल्यू लगभग 1.3 बिलियन डॉलर (करीब 11,800 करोड़ रुपए) आंकी गई है। नेस्ले के नए सीईओ फिलिप नवरतिल ने पद संभालते ही कंपनी के बिखरे हुए साम्राज्य को समेटने का फैसला किया है। नवरतिल के मुताबिक, आइसक्रीम ब्रांड कंपनी के मुख्य बिजनेस के लिए एक भटकाव बन गए थे। कंपनी अब अपना पूरा ध्यान उन 4 सेगमेंट पर लगाएगी, जहां उसका दबदबा सबसे ज्यादा है- कॉफी, पेट केयर, न्यूट्रिशन और स्नैक्स। नवरतिल ने स्पष्ट किया, ‘हम इन ब्रांड्स को उस गति से आगे नहीं बढ़ा सकते, जिस तरह फ्रोनेरी जैसी विशेषज्ञ कंपनियां बढ़ा सकती हैं।’ नेस्ले जैसा दिग्गज अब लागत कम करने के लिए एआई और ऑटोमेशन का सहारा ले रहा है और दुनियाभर में 16,000 नौकरियां घटाने की योजना बना रहा है। ऐसे में कंपनी उन सेक्टर में पूंजी लगाना चाहती है जहां मार्जिन अधिक और स्थिर है। ये कंपनियां भी पीछे हटीं नेस्ले अकेली ऐसी कंपनी नहीं है जो जमी हुई मिठास से दूरी बना रही है। यह पूरी दुनिया में एफएमसीजी और डेयरी दिग्गजों के बीच एक ‘स्ट्रक्चरल शिफ्ट’ है। यूनिलीवर ने बीते दिसंबर में प्रसिद्ध आइसक्रीम डिवीजन मैग्नम को अलग कर दिया। अमेरिकी दिग्गज कंपनी जनरल मिल्स अपनी आइसक्रीम यूनिट को पहले ही लैक्टालिस को बेच चुकी है। दुनिया की सबसे बड़ी डेयरी निर्यातक कंपनी फोंटेरा भी अपने ग्लोबल कंज्यूमर और आइसक्रीम बिजनेस को बेचने की प्रक्रिया में है। इसके लिए फ्रांसीसी कंपनी लैक्टालिस ने 20,000 करोड़ रुपए से अधिक की भारी-भरकम बोली लगाई है। आखिर आइसक्रीम बिजनेस से किनारा क्यों बाजार विश्लेषकों का मानना है कि जटिल कोल्ड-चेन लॉजिस्टिक्स, बिजली की भारी खपत और सीजन पर निर्भरता ने आइसक्रीम को एक ‘मुश्किल बिजनेस’ बना दिया है। शुगर टैक्स और अनहेल्डी प्रोडक्ट पर सख्ती लोग अब चीनी और कैलोरी के सेवन को लेकर अधिक सतर्क हो रहे हैं। कई देशों में बढ़ते ‘शुगर टैक्स’ और ‘अनहेल्दी’ उत्पादों के प्रति सख्त नियमों के कारण कंपनियां अब प्लांट-बेस्ड और पोषण-आधारित उत्पादों की ओर रुख कर रही हैं। कम मार्जिन आइसक्रीम की बिक्री मौसम पर निर्भर है; गर्मी में मांग चरम पर होती है। सर्दियों और मानसून में बिक्री सुस्त रहती है। वास्तविक मुनाफा कम बचता है। ब्यूटी और पर्सनल केयर के 20-25% मार्जिन की तुलना में आइसक्रीम का 10-14% मार्जिन निवेशकों के लिए कम आकर्षक है। कॉर्बन उत्सर्जन कम करने का लक्ष्य बड़ी चुनौती उत्पादन से लेकर ग्राहक तक पहुंचने तक आइसक्रीम माइनस 18°सी या उससे कम तापमान की जरूरत होती है। विशेष फ्रीजर ट्रकों, गोदामों के रखरखाव की लागत अन्य प्रोडक्ट्स से अधिक है। बढ़ते बिजली खर्च और कार्बन उत्सर्जन कम करने के वैश्विक दबाव ने इस सप्लाई चेन को चुनौतीपूर्ण बना दिया है।
दीपिका कक्कड़ को फिर लिवर कैंसर होने का डर:13 एमएम का सिस्ट डिटेक्ट हुआ, बीते साल ऑपरेशन के बाद कैंसर फ्री हुई थीं

एक बार कैंसर को मात दे चुकीं एक्ट्रेस दीपिका कक्कड़ को फिर लिवर कैंसर होने का डर सता रहा है। पिछले साल एक्ट्रेस के सेकेंड स्टेज का लिवर कैंसर था। जून 2025 में 14 घंटे की सर्जरी में उनके लिवर और गालब्लेडर का 22 प्रतिशत हिस्सा निकाल दिया गया था। हालांकि अब एक्ट्रेस को फिर एक सिस्ट हो गया है, जिससे एक्ट्रेस डरी हुई हैं। दीपिका कक्कड़ और उनके पति शोएब इब्राहिम ने हाल ही में अपने नए व्लॉग में बताया है कि एक्ट्रेस को 20 फरवरी को पेट में तेज दर्द हुआ था, जिसके बाद वो हॉस्पिटल पहुंचे। सीटी स्कैन करने पर पता चला कि पेट में 13 एमएम का सिस्ट है। व्लॉग में शोएब ने कहा, ‘कल तक सब ठीक था, इसको पेट में दो दिनों से दर्द था। कल रात को दर्द बढ़ गया। हम हॉस्पिटल गए। डॉक्टर्स ने बोला सीटी स्कैन करते हैं। थोड़ा सा इसको वापस से सिस्ट बोल लो या कुछ और 13 एमएम का हो गया है।’ इस पर दीपिका ने कहा, ‘अभी के लिए उसे सिस्ट ही बोल रहे हैं। पेट के साथ वैसा ही दर्द कंधे पर भी दो दिन से हो रहा है। इसलिए वो हम दोनों के लिए अलार्मिंग था। ये क्यों हो रहा है पता नहीं।’ शोएब ने कहा, ‘जो डर था हमें, जो डॉक्टर ने बोला था पिछली बार कि पुअरली एग्रेसिस ट्यूमर जो था उसके फिर होने के चांस होते हैं। लेकिन अभी अर्ली स्टेज है। दिसंबर में जो पैट स्कैन किया था, वो उस वक्त नहीं था।’ जल्द शुरू होगा एक्ट्रेस का ट्रीटमेंट व्लॉग में शोएब-दीपिका ने बताया है कि डॉक्टर्स के कहने पर जल्द ही इसका ट्रीटमेंट शुरू होगा। इसके लिए कोई मेजर सर्जरी नहीं होगी। लेजर के जरिए सिस्ट को जलाया जाएगा। इसके लिए एक्ट्रेस को 3-4 दिनों तक अस्पताल में भर्ती होना पड़ेगा। मंगलवार यानी 24 फरवरी को उनका प्रोसीजर होने वाला है। बीते साल हुआ था स्टेज-2 लिवर कैंसर एक्ट्रेस दीपिका कक्कड़ बीते साल सेलिब्रिटी मास्टर शेफ का हिस्सा थीं। हालांकि तबीयत बिगड़ने के बाद उन्होंने शो छोड़ दिया था। उन्हें कंधे में तेज दर्द बना हुआ था। जांच करवाने में सामने आया कि उनके लिवर में एक टेनिस बॉल जितना बड़ा सिस्ट है। जांच में ये भी सामने आया कि ये एक तरह का कैंसर है। जून 2025 में एक्ट्रेस का 14 घंटे का ऑपरेशन हुआ था, जिसमें उनके लिवर और गालब्लेडर का 22 प्रतिशत हिस्सा काटकर अलग कर दिया गया। एक्ट्रेस कैंसर फ्री हो गई थीं। हालांकि अब उन्हें डर है कि कहीं दोबारा उन्हें इसका सामना न करना पड़े।









