Monday, 04 May 2026 | 09:29 PM

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‘धुरंधर 2’ का ट्रेलर देख ‘आउट ऑफ कंट्रोल’ हुईं आलिया:ऋतिक रोशन ने भी रणवीर सिंह की जमकर तारीफ की, फैंस हुए एक्साइटेड

‘धुरंधर 2’ का ट्रेलर देख ‘आउट ऑफ कंट्रोल’ हुईं आलिया:ऋतिक रोशन ने भी रणवीर सिंह की जमकर तारीफ की, फैंस हुए एक्साइटेड

रणवीर सिंह की अपकमिंग फिल्म ‘धुरंधर 2: द रिवेंज’ का ट्रेलर रिलीज होते ही सोशल मीडिया पर छा गया है। ट्रेलर में दमदार एक्शन, इंटेंस बैकग्राउंड म्यूजिक और रणवीर के खतरनाक अवतार ने दर्शकों के साथ-साथ बॉलीवुड सितारों को भी हैरान कर दिया है। खास बात यह है कि कई बड़े सितारों ने इस ट्रेलर पर तुरंत रिएक्शन दिया है, जिनमें आलिया भट्ट और ऋतिक रोशन भी शामिल हैं। ट्रेलर देखने के बाद आलिया भट्ट ने सोशल मीडिया पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए लिखा कि यह ट्रेलर “आउट ऑफ कंट्रोल” है और उन्होंने “बीस्ट मोड ऑन” जैसे शब्दों से फिल्म की तारीफ की। आलिया की इस प्रतिक्रिया से साफ है कि फिल्म का एक्शन और प्रस्तुति उन्हें बेहद प्रभावित कर गई। ट्रेलर में रणवीर सिंह का अंदाज इतना दमदार दिखाया गया है कि फैंस के साथ-साथ सेलेब्स भी इसे लेकर काफी उत्साहित नजर आ रहे हैं। वहीं ऋतिक रोशन ने भी ट्रेलर पर कमेंट करते हुए रणवीर सिंह के काम की तारीफ की। उन्होंने ट्रेलर को बहुत ज्यादा अच्छा बताया और कहा कि यह बेहद प्रभावशाली है। खास बात यह है कि पहले फिल्म के पहले भाग की राजनीति से असहमति जताने के बावजूद ऋतिक ने इसके सीक्वल के ट्रेलर को शानदार बताया है। फिल्म के ट्रेलर पर राम गोपाल वर्मा, रोहित शेट्टी और कई अन्य बॉलीवुड सितारों ने भी सकारात्मक प्रतिक्रिया दी है। कई सेलेब्स ने सोशल मीडिया पर कमेंट और इमोजी के जरिए फिल्म की टीम को बधाई दी। ‘धुरंधर 2: द रिवेंज’ का निर्देशन आदित्य धर ने किया है। यह फिल्म ‘धुरंधर’ का सीक्वल है और इसमें रणवीर सिंह के साथ अर्जुन रामपाल, संजय दत्त और आर. माधवन जैसे कलाकार भी नजर आएंगे। फिल्म एक स्पाई-एक्शन कहानी पर आधारित है, जिसमें भारतीय जासूस और आतंकवादी नेटवर्क के बीच की टकराहट को दिखाया गया है। ट्रेलर रिलीज होने के बाद से सोशल मीडिया पर भी जबरदस्त चर्चा देखने को मिल रही है। फैंस रणवीर सिंह के नए लुक और हाई-ऑक्टेन एक्शन की खूब तारीफ कर रहे हैं। यही वजह है कि फिल्म की रिलीज को लेकर दर्शकों की उत्सुकता और भी बढ़ गई है।

थलपति विजय की शादी टूटने की कगार पर:पत्नी ने कोर्ट में कहा- विजय का 5 साल से अफेयर चल रहा; 20 अप्रैल को अगली सुनवाई

थलपति विजय की शादी टूटने की कगार पर:पत्नी ने कोर्ट में कहा- विजय का 5 साल से अफेयर चल रहा; 20 अप्रैल को अगली सुनवाई

तमिल एक्टर थलपति विजय की पत्नी संगीता सोरनलिंगम ने चेंगलपट्टू जिला अदालत में तलाक की अर्जी दाखिल कर दी है। संगीता ने विजय पर एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर और मानसिक प्रताड़ना के गंभीर आरोप लगाए हैं। कोर्ट ने इस मामले की अगली सुनवाई के लिए 20 अप्रैल की तारीख तय की है। संगीता ने साल 2026 की शुरुआत में ही कानूनी कार्यवाही शुरू कर दी थी। उन्होंने स्पेशल मैरिज एक्ट, 1954 के तहत शादी को कानूनी रूप से खत्म करने की मांग की है। कोर्ट में दाखिल दस्तावेजों के मुताबिक, दोनों ने 25 अगस्त 1999 को चेन्नई में शादी की थी। संगीता बोलीं- 2021 में पता चला अफेयर कोर्ट में जमा की गई याचिका में संगीता ने विजय पर ‘एडल्ट्री’ के आरोप लगाए हैं। संगीता का दावा है कि अप्रैल 2021 में उन्हें पता चला कि विजय का एक एक्ट्रेस के साथ कथित तौर पर अफेयर चल रहा है। आरोप है कि विजय ने उस एक्ट्रेस के साथ सार्वजनिक रूप से मिलना और विदेश दौरों पर जाना जारी रखा। संगीता के मुताबिक, इस वजह से उन्हें और उनके बच्चों को काफी मानसिक दुख और शर्मिंदगी झेलनी पड़ी है। संगीता ने घर में रहने की अनुमति मांगी तलाक की अर्जी के साथ संगीता ने कोर्ट से एक अंतरिम राहत भी मांगी है। उन्होंने चेन्नई के कैसुअरीना ड्राइव स्थित अपने घर में रहने की अनुमति मांगी है। संगीता ने कोर्ट को बताया कि वह ब्रिटिश नागरिक हैं और भारत में उनके पास रहने के लिए कोई दूसरा घर नहीं है। उन्होंने मांग की है कि केस चलने तक उन्हें इसी घर में रहने की सुरक्षा दी जाए। विजय और संगीता के दो बच्चे हैं- 25 साल का बेटा जेसन संजय और 20 साल की बेटी दिव्या साशा। विजय ने साल 2024 में अपनी राजनीतिक पार्टी ‘तमिलगा वेत्री कड़गम’ (TVK) बनाकर सक्रिय राजनीति में कदम रखा था। संगीता का आरोप है कि विजय की सार्वजनिक व्यस्तताओं और एक्टिंग करियर के बीच उनके आपसी भरोसे में कमी आई, जिसने अब तलाक का रूप ले लिया है। विजय को जारी हुआ नोटिस चेंगलपट्टू कोर्ट ने अभिनेता विजय को नोटिस जारी कर मामले में अपना पक्ष रखने के लिए पेश होने को कहा है। अब 20 अप्रैल को होने वाली सुनवाई पर सबकी नजरें टिकी हैं। फिलहाल विजय या उनकी पीआर टीम की तरफ से इन गंभीर आरोपों पर कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है।

ICC ने टीमों के लिए चार्टर्ड प्लेन बुक किए:इंग्लैंड शनिवार को, साउथ अफ्रीका और वेस्टइंडीज रविवार को रवाना होगी ;ईरान-इजराइल युद्ध से फ्लाइट्स कैंसिल

ICC ने टीमों के लिए चार्टर्ड प्लेन बुक किए:इंग्लैंड शनिवार को, साउथ अफ्रीका और वेस्टइंडीज रविवार को रवाना होगी ;ईरान-इजराइल युद्ध से फ्लाइट्स कैंसिल

इंग्लैंड, साउथ अफ्रीका और वेस्टइंडीज की टीमें अब चार्टर्ड फ्लाइट से भारत से रवाना होंगी। इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (ICC) ने इन टीमों के लिए विशेष उड़ानों का इंतजाम किया है। दरअसल, ईरान-इजाइल युद्ध के कारण हवाई सेवाएं प्रभावित हो गई हैं और दुबई से कई उड़ानें रद्द कर दी गई हैं। इसी वजह से टी-20 वर्ल्ड कप में अपने-अपने मैच खत्म होने के बाद ये तीनों टीमें भारत में ही फंसी हुई थीं। शनिवार और रविवार को रवाना होंगी टीमें क्रिकइन्फो की रिपोर्ट के मुताबिक, गुरुवार यानी 5 मार्च को भारत से सेमीफाइनल हारने वाली इंग्लैंड की टीम शनिवार शाम को मुंबई से सीधे लंदन के लिए उड़ान भरेगी। वहीं, वेस्टइंडीज और साउथ अफ्रीका की टीमें कोलकाता से एक अलग चार्टर्ड फ्लाइट से रवाना होंगी। यह फ्लाइट पहले जोहान्सबर्ग (साउथ अफ्रीका) जाएगी और वहां से एंटीगुआ (वेस्टइंडीज) के लिए उड़ान भरेगी। साउथ अफ्रीकी टीम के रविवार को रवाना होने की उम्मीद है। वेस्टइंडीज के कोच ने सोशल मीडिया पर गिनाए दिन वेस्टइंडीज की टीम 1 मार्च को सुपर-8 के आखिरी मैच में भारत से हारकर बाहर हो गई थी, तब से खिलाड़ी कोलकाता में ही रुके हुए हैं। वेस्टइंडीज के हेड कोच डेरेन सैमी ने शनिवार को अपने सोशल मीडिया हैंडल पर’Day 6’पोस्ट किया। उनका इशारा उन दिनों की तरफ था जो टीम को मैच खत्म होने के बाद मजबूरी में कोलकाता में बिताने पड़े। जिम्बाब्वे की टीम को भी भारत से निकलने में काफी देरी हुई, हालांकि उनके कुछ सदस्य 4 मार्च को रवाना हो चुके हैं। साउथ अफ्रीका के कुछ खिलाड़ी सीधे न्यूजीलैंड जाएंगे साउथ अफ्रीका की टीम 4 मार्च को पहले सेमीफाइनल में न्यूजीलैंड से हार गई थी। टीम के मैनेजमेंट के साथ केशव महाराज,जेसन स्मिथ और जॉर्ज लिंडे जैसे खिलाड़ी रविवार को कोलकाता से सीधे न्यूजीलैंड के लिए रवाना होंगे। वहां 15 मार्च से लिमिटेड ओवर्स की सीरीज शुरू होनी है। बाकी टीम जोहान्सबर्ग वापस लौट जाएगी। कल अहमदाबाद में होगा फाइनल मुकाबला 7 फरवरी को अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में भारत और न्यूजीलैंड के बीच फाइनल मुकाबला खेला जाएगा। इस मैच के साथ ही एक महीने से ज्यादा समय से चल रहे टी-20 क्रिकेट वर्ल्ड कप का समापन हो जाएगा। ————————————– स्पोर्ट्स की यह खबर भी पढ़ें… भारत-न्यूजीलैंड जहां साउथ अफ्रीका से हारे, वहीं वर्ल्डकप फाइनल खेलेंगे:इकोनॉमी, रन-रेट में दोनों बराबर; पावरप्ले में कीवी, मिडिल ओवर्स में इंडिया आगे टी-20 वर्ल्ड कप 7 फरवरी को 20 टीमों के बीच शुरू हुआ। 5 मार्च तक 2 फाइनलिस्ट टीमें मिल गईं, जिनके बीच 8 मार्च को अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में खिताबी मुकाबला खेला जाएगा। न्यूजीलैंड ने कोलकाता और भारत ने मुंबई में सेमीफाइनल जीता। पूरी खबर

दावा- रानी मुखर्जी ने कभी 'OMG 3' साइन नहीं की:मेकर्स ने किया था अप्रोच; शुरुआती चर्चा के बाद बात आगे नहीं बढ़ी

दावा- रानी मुखर्जी ने कभी 'OMG 3' साइन नहीं की:मेकर्स ने किया था अप्रोच; शुरुआती चर्चा के बाद बात आगे नहीं बढ़ी

फ्रेंचाइजी ‘ओह माय गॉड’ की तीसरी फिल्म ‘ओह माय गॉडेस’ में रानी मुखर्जी के शामिल होने की खबरों पर रिपोर्ट में दावा किया गया है कि उन्हें इस फिल्म के लिए कभी साइन नहीं किया गया था। बातचीत शुरुआती स्तर पर ही रुक गई थी। वैरायटी इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, रानी मुखर्जी को फिल्म में लीड हीरोइन के तौर पर लेने को लेकर शुरुआती बातचीत हुई थी। फिल्म में अक्षय कुमार एक्सटेंडेड कैमियो रोल में नजर आने वाले बताए जा रहे हैं। सूत्रों के अनुसार, रानी को फिल्म की कहानी का छोटा सा आउटलाइन सुनाया गया था और उन्हें इसमें दिलचस्पी भी थी। हालांकि, बातचीत आगे नहीं बढ़ सकी। एक सोर्स के मुताबिक, अक्षय और रानी के बीच लंबे समय से अच्छा रिश्ता है, लेकिन चर्चा बहुत शुरुआती स्तर पर थी। ‘OMG’ फ्रेंचाइजी आस्था, विश्वास और धार्मिक संस्थाओं पर सटायर के लिए जानी जाती है। तीसरी फिल्म ‘ओह माय गॉडेस’ में डिवाइन फेमिनिन ट्विस्ट के साथ नई कहानी पेश करने की योजना है। इसमें फ्रेंचाइजी के ह्यूमर और सोशल कमेंट्री का मिश्रण बनाए रखने की बात कही जा रही है। बता दें कि ओह माय गॉड साल 2012 में रिलीज हुई थी। इसमें परेश रावल और अक्षय कुमार थे। फिल्म का निर्देशन उमेश शुक्ला ने किया था। वहीं ओह माय गॉड 2 साल 2023 में रिलीज हुई थी। इसमें पंकज त्रिपाठी, अक्षय कुमार और यामी गौतम थे। इसके निर्देशक अमित राय थे। मेकर्स फिलहाल दूसरी फीमेल लीड खोज रहे फिल्म OMG 3 का निर्देशन अमित राय करेंगे। फिल्म को विक्रम मल्होत्रा की अबुंदंतिया एंटरटेनमेंट और अक्षय कुमार के बैनर के साथ मिलकर प्रोड्यूस किया जा रहा है। रिपोर्ट के अनुसार, फिल्म की शूटिंग मई–जून 2026 के आसपास शुरू हो सकती है और मेकर्स दूसरी फीमेल लीड की तलाश में हैं। रानी मुखर्जी के वर्क फ्रंट की बात करें तो उनकी हाल ही में रिलीज हुई फिल्म ‘मर्दानी 3’ बॉक्स ऑफिस पर सफल रही है। फिल्म ने भारत में करीब 50 करोड़ रुपए नेट और दुनिया भर में 74 करोड़ रुपए से ज्यादा की कमाई की है। रानी शाहरुख खान के साथ सिद्धार्थ आनंद की फिल्म ‘किंग’ में कैमियो रोल में नजर आएंगी, जो क्रिसमस 2026 पर रिलीज होने वाली है।

'मैं हमेशा देश के समर्थन में खड़ी रही हूं':खामेनेई की मौत पर दुख जताने के बाद ट्रोल हुईं फरहाना भट्ट ने किया रिएक्ट

'मैं हमेशा देश के समर्थन में खड़ी रही हूं':खामेनेई की मौत पर दुख जताने के बाद ट्रोल हुईं फरहाना भट्ट ने किया रिएक्ट

‘बिग बॉस 19’ की पूर्व कंटेस्टेंट फरहाना भट्ट ने ईरान के सुप्रीम लीडर खामेनेई की मौत पर दुख जताने के बाद हुई ट्रोलिंग पर प्रतिक्रिया दी है। फरहाना ने कहा कि उन्होंने हमेशा अपने देश के समर्थन में खड़े होकर काम किया है और देश के खिलाफ किसी भी नैरेटिव का विरोध किया है। इंस्टेंट बॉलीवुड से बातचीत में फरहाना भट्ट ने अपने बयान को लेकर कहा कि भारत एक लोकतांत्रिक देश है, जहां सभी को अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता है और लोग अपने विचार अलग-अलग तरीके से व्यक्त कर सकते हैं। विचारों में मतभेद होना स्वाभाविक है और वह इसे स्वीकार करती हैं। उन्होंने कहा कि लोग उनकी बात को लेकर प्रतिक्रिया दे रहे हैं, लेकिन उन्होंने हमेशा अपने देश के लिए काम किया है और आगे भी करती रहेंगी। कश्मीर में शांति के लिए कई पहल कीं: फरहाना फरहाना ने कहा कि पहलगाम हमले, ईरान, फिलिस्तीन या इजरायल से जुड़े मुद्दों पर वह पहले भी अपनी राय रखती रही हैं। पुलवामा हमले और पहलगाम हमले जैसे मामलों में भी वह भारतीय सेना के साथ खड़ी रही हैं। वह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत का प्रतिनिधित्व भी कर चुकी हैं। उन्होंने बताया कि कश्मीर में शांति से जुड़े काम के दौरान उन्होंने भारतीय सेना के साथ मिलकर कई पहल की हैं। कश्मीर में सेना के कई वरिष्ठ अधिकारियों ने उनके काम की सराहना की है और उन्हें कई बार सम्मानित भी किया गया है। वहीं, होली को लेकर हुई ट्रोलिंग पर जवाब देते हुए फरहाना ने कहा कि भारत एक स्वतंत्र देश है। यहां हर व्यक्ति को अपने तरीके से त्योहार मनाने और अपनी बात रखने का अधिकार है, बशर्ते इससे देश की गरिमा को ठेस न पहुंचे। फरहाना ने खामेनेई के निधन पर क्या कहा था? खामेनेई के निधन को लेकर फरहाना भट्ट ने कहा था, “बिल्कुल, वे एक ऐसे व्यक्तित्व थे जिन्हें हम कभी नहीं भूल सकते। वे हमेशा हमारे दिलों में जिंदा रहेंगे। इस घटना से सभी कश्मीरी गहरे सदमे में हैं। आप विश्वास नहीं करेंगे, सेहरी के बाद मैं बिल्कुल नहीं सो पाई। मैं बहुत दुखी थी। ऐसा कभी नहीं होना चाहिए था।”

एपस्टीन फाइल- ट्रम्प पर नाबालिग के यौन शोषण का आरोप:नए दस्तावेज में खुलासा, पहले अधिकारियों ने डुप्लीकेट बताकर रोक दिया था

एपस्टीन फाइल- ट्रम्प पर नाबालिग के यौन शोषण का आरोप:नए दस्तावेज में खुलासा, पहले अधिकारियों ने डुप्लीकेट बताकर रोक दिया था

अमेरिका में न्याय विभाग ने कुख्यात यौन अपराधी जेफ्री एपस्टीन से जुड़े नए दस्तावेज जारी किए हैं। एफबीआई को दिए इंटरव्यू में महिला ने दावा किया कि एपस्टीन ने उसकी मुलाकात डोनाल्ड ट्रम्प से कराई थी। ट्रम्प ने उनका यौन शोषण किया। तब वे नाबालिग थीं। ये पेज पहले जारी नहीं किए गए थे। एफबीआई ने महिला के दावों से जुड़े 4 इंटरव्यू किए थे। पर शुरुआती रिलीज में सिर्फ एक इंटरव्यू का सार दिखा, जिसमें महिला ने एपस्टीन के खिलाफ आरोप बताए थे। बाकी तीन इंटरव्यू गायब होने पर सवाल उठ रहे थे। अधिकारियों ने अब कहा कि इन्हें गलती से ‘डुप्लीकेट’ मानकर रोक दिया गया था। बाद में रिव्यू किया तो यह बात गलत निकली। ट्रम्प की फाइल दबाने का आरोप अमेरिका की विपक्षी डेमोक्रेटिक पार्टी के नेता एपस्टीन से जुड़े डॉक्यूमेंट हैंडल करने के तरीके को लेकर ट्रम्प सरकार पर सवाल उठा रही है। उनका आरोप है कि ट्रम्प प्रशासन ने एपस्टीन जांच से जुड़ी ऐसी जानकारियां दबाईं, जो ट्रम्प को नुकसान पहुंचा सकती थीं। हाउस की एक कमेटी ने अटॉर्नी जनरल पाम बॉन्डी को नोटिस जारी करने के पक्ष में वोट किया। उन्हें कोर्ट में जवाब देना होगा। महिला का आरोप- एपस्टीन और ट्रम्प ने उसका यौन-शोषण किया ट्रम्प पर आरोप लगाने वाली महिला के 2019 में FBI ने कई इंटरव्यू लिए थे। गुरुवार को जो डॉक्यूमेंट जारी हुए हैं, उनमें इन्हीं इंटरव्यू के डिटेल्स शामिल हैं। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार इस इंटरव्यू में उस महिला ने आरोप लगाया कि जब उसकी उम्र 13 से 15 साल के बीच थी, तब एपस्टीन और ट्रम्म ने उसका यौन-शोषण किया था। एक इंटरव्यू में महिला ने कहा कि एपस्टीन उसे न्यूयॉर्क या न्यूजर्सी ले गया था और वहीं ट्रम्प से मिलवाया था। महिला ने जांचकर्ताओं को बताया कि जब ट्रम्प उस पर सेक्स करने के लिए दबाव डाल रहे थे, तब उसने उन्हें काट भी लिया था। महिला का यह भी दावा है कि पिछले कई सालों में उसे और उसके करीबी लोगों को चुप रहने के लिए धमकी भरे कई फोन कॉल भी आए थे। महिला का मानना है कि ये कॉल एपस्टीन से जुड़े लोगों की तरफ से हो सकते थे। एपस्टीन फाइल्स में 38 हजार बार ट्रम्प का नाम एपस्टीन फाइल्स में ट्रम्प का नाम 38 हजार से अधिक बार दर्ज है। रिकॉर्ड में 1990 के दशक में एपस्टीन के निजी विमान से 7-8 यात्राओं का जिक्र है। ट्रम्प के मार-ए-लागो क्लब की गेस्ट लिस्ट में भी शामिल हैं। जांच में सामने आया कि यौन शोषण का नेटवर्क अमेरिका तक सीमित नहीं था। एपस्टीन ने संगठित ट्रैफिकिंग नेटवर्क बनाया। एपस्टीन फाइल्स में अब तक 15 देशों के रईसों, नेताओं और अंतरराष्ट्रीय हस्तियों के नाम सामने आए हैं। ट्रम्प ने आरोपों को झूठा बताया ट्रम्प ने एपस्टीन से जुड़े सभी आरोपों में किसी भी गलत काम से इनकार किया है. पहले न्याय विभाग ने भी कहा था कि जारी किए गए कुछ डॉक्यूमेंट में ट्रम्प के खिलाफ “झूठे और सनसनीखेज दावे” हैं. वहीं विपक्षी डेमोक्रेटिक नेताओं ने ट्रम्प सरकार पर आरोप लगाया है कि उसने एपस्टीन जांच से जुड़ी कुछ ऐसी जानकारियों को छिपाने की कोशिश की, जो ट्रम्प के लिए नुकसानदेह हो सकती थीं। अब तारीखों में पूरा मामला 14 साल की लड़की ने की थी पहली शिकायत 2005: फ्लोरिडा की 30 लड़कियों ने दिया बयान फ्लोरिडा में 14 साल की लड़की की मां ने शिकायत दर्ज कराई कि एपस्टीन ने मसाज के बहाने यौन शोषण किया। जांच में 30 नाबालिग लड़कियों के बयान मिले। 2006-08: राहत देने वाले एकोस्टा बाद में मंत्री यूएस अटॉर्नी ऑफिस ने एपस्टीन को फेडरल ट्रायल से बचाने वाली ‘प्ली डील’ दी। उसे 13 माह की हल्की सजा और दिन में बाहर काम की अनुमति मिली। इस डील को मंजूरी देने वाले अभियोजक एलेक्स एकोस्टा बाद में 2017 में ट्रम्प के पहले कार्यकाल में श्रम मंत्री बने। 2009-15: जेल से बाहर निकला, नेटवर्क सक्रिय डील के बाद एपस्टीन सक्रिय रहा। ‘लॉलीटा एक्सप्रेस’, निजी द्वीप से जुड़ी गतिविधियों के सबूत एजेंसियों के पास बढ़ते गए, लेकिन कोई निर्णायक कार्रवाई नहीं हुई। 2017-18: #मीटू आंदोलन से फिर खुला केस #मीटू आंदोलन के बाद पीड़ितों की गवाही और जांच से एपस्टीन के प्रभावशाली संपर्क उजागर हुए। 2019: फेडरल गिरफ्तारी और जेल में संदिग्ध मौत न्यूयॉर्क में सेक्स-ट्रैफिकिंग के आरोपों में गिरफ्तारी हुई। एक माह बाद मेट्रोपॉलिटन करेक्शनल जेल में संदिग्ध हालात में मौत, आधिकारिक तौर पर आत्महत्या बताया। 2020-26: अब कोर्ट के आदेश से फाइलें जारी… अमेरिकी कोर्ट आदेश व एपस्टीन फाइल्स ट्रांसपरेंसी एक्ट के तहत 30 लाख पेज जारी हुए, वैश्विक जांच शुरू। ————— एपस्टीन फाइल्स से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… एपस्टीन फाइल्स- अनिल अंबानी की चैट सामने आई: दावा- सुनहरे बालों वाली स्वीडिश महिला की पेशकश हुई, अनिल बोले- अरेंज करो अमेरिकी जस्टिस डिपार्टमेंट ने यौन अपराधी जेफ्री एपस्टीन ने जो दस्तावेज जारी किए हैं, उसमें अनिल अंबानी से जुड़े नए खुलासे सामने आए हैं। ये दस्तावेज एपस्टीन और उद्योगपति अनिल अंबानी के बीच 2017 से 2019 के दौरान हुई बातचीत से जुड़े हैं। ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के मुताबिक, इनमें कारोबार, वैश्विक मामलों और महिलाओं को लेकर चर्चा हुई। पूरी खबर पढ़ें…

‘विभाजन पैदा करने के लिए हथियार’: राहुल गांधी ने ‘केरल स्टोरी 2’ को एक प्रचार फिल्म बताया | फ़िल्म समाचार

Jemimah Rodrigues has scored a fifty against Australia (Picture credit: X @BCCIWomen)

आखरी अपडेट:मार्च 06, 2026, 19:41 IST सीक्वल की रिलीज़ ने व्यापक विवाद को जन्म दिया, आलोचकों और राजनीतिक हस्तियों ने दावा किया कि यह केरल को गलत तरीके से प्रस्तुत करता है और सांप्रदायिक नफरत फैलाता है। कुट्टिक्कनम में छात्रों के साथ बातचीत के दौरान लोकसभा में विपक्ष के नेता ने कहा कि यह “अच्छी खबर” है कि फिल्म को व्यापक रूप से नहीं देखा जा रहा है। कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने शुक्रवार को विवादास्पद फिल्म ‘केरल स्टोरी 2: गोज़ बियॉन्ड’ की आलोचना करते हुए इसे एक प्रचार उपकरण बताया, जिसका उद्देश्य समाज में “विभाजन पैदा करना” है। कुट्टिक्कनम में मैरियन कॉलेज में छात्रों के साथ बातचीत के दौरान लोकसभा में विपक्ष के नेता ने कहा कि यह “अच्छी खबर” है कि फिल्म को व्यापक रूप से नहीं देखा जा रहा है। गांधी ने कहा, “हालांकि अच्छी खबर यह है कि ‘केरल स्टोरी’ खोखली लगती है, और कोई भी इसे नहीं देख रहा है। इससे यह भी पता चलता है कि ऐसे लोग हैं, जिनमें से अधिकांश, यह नहीं समझ पाए हैं कि केरल क्या है और इसकी परंपराएं और संस्कृति क्या है।” कोई भी वास्तव में द केरल स्टोरी नहीं देख रहा है। यह दर्शाता है कि इस देश में अधिकांश लोग समझते हैं कि केरल क्या है और इसकी परंपराओं और संस्कृति की सराहना करते हैं। फिल्मों, टीवी और मीडिया को हथियार बनाया गया है। इनका उपयोग लोगों को बदनाम करने, अलग-थलग करने के लिए किया जा रहा है… pic.twitter.com/0qdyP3FKSE – कांग्रेस (@INCIndia) 6 मार्च 2026 कांग्रेस नेता ने बताया कि “फिल्मों, टेलीविजन और मीडिया को हथियार बना दिया गया है। इनका इस्तेमाल लोगों को बदनाम करने, समुदायों को अलग-थलग करने और समाज में विभाजन पैदा करने के लिए किया जा रहा है ताकि कुछ समूहों को फायदा हो सके जबकि अन्य को नुकसान हो।” गांधी ने चेतावनी दी कि इस तरह के घटनाक्रम देश के लिए बेहद हानिकारक हैं, उन्होंने कहा कि इन कहानियों को आगे बढ़ाने के लिए बड़ी मात्रा में पैसा खर्च किया जा रहा है। यह भी पढ़ें: केरल स्टोरी 2 के लिए न लौटने पर अदा शर्मा ने तोड़ी चुप्पी: ‘क्या मुझे सीक्वल ऑफर किया गया था या…’ उन्होंने कहा, “अगर कोई व्यक्ति एक निश्चित प्रकार की फिल्म बनाना चाहता है, मीडिया में कुछ कहना चाहता है, या विशेष विचारों का बचाव करना चाहता है, तो उन पर हमला किया जाता है और अक्सर बोलने की अनुमति नहीं दी जाती है। मैं हर समय इसका अनुभव करता हूं। दूसरी ओर, कुछ आख्यानों को जितना लोग चाहें उतना फैलाया और प्रचारित किया जा सकता है, और उन्हें कुछ नहीं होता है।” यह फिल्म, जो पिछले सप्ताह सिनेमाघरों में प्रदर्शित हुई, विभिन्न राज्यों की तीन हिंदू महिलाओं की कहानी बताती है, जो मुस्लिम पुरुषों से शादी करने के लिए अपने परिवार की अवहेलना करती हैं और बाद में उन्हें धर्म परिवर्तन के लिए मजबूर किया जाता है। सीक्वल की रिलीज़ ने व्यापक विवाद को जन्म दिया, आलोचकों और राजनीतिक हस्तियों ने दावा किया कि यह केरल को गलत तरीके से प्रस्तुत करता है और सांप्रदायिक नफरत फैलाता है। कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि ‘केरल स्टोरी 2: गोज़ बियॉन्ड’ का निर्माण राज्य में सांप्रदायिक सद्भाव को कम करने के एजेंडे के साथ किया गया था। पिछले हफ्ते, केरल उच्च न्यायालय की एक खंडपीठ ने एकल-न्यायाधीश के आदेश पर रोक लगाकर फिल्म की रिलीज का रास्ता साफ कर दिया था, जिसने 15 दिनों के लिए इसकी स्क्रीनिंग को अस्थायी रूप से रोक दिया था। एकल न्यायाधीश ने फिल्म को मंजूरी देने में सेंसर बोर्ड द्वारा “प्रथम दृष्टया स्पष्ट रूप से दिमाग का इस्तेमाल न करने” का उल्लेख किया था। (पीटीआई से इनपुट्स के साथ) Google पर News18 को अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें। जाँच करना ईरान इज़राइल युद्ध समाचार आज लाइव अपडेट. बॉलीवुड, हॉलीवुड फिल्में, तेलुगु, तमिल, अन्य दक्षिण फिल्मों और टीवी शो से संबंधित नवीनतम मनोरंजन समाचार प्राप्त करें। आगामी फिल्मों, ओटीटी रिलीज, फिल्म समीक्षा, सेलिब्रिटी समाचार और बॉक्स ऑफिस, कोरियाई नाटक और संगीत पर अपडेट। मनोरंजन में शामिल हों, News18 पर गेम खेलें. News18 ऐप डाउनलोड करें. जगह : केरल, भारत, भारत पहले प्रकाशित: मार्च 06, 2026, 19:41 IST समाचार फिल्में ‘विभाजन पैदा करने के लिए हथियार’: राहुल गांधी ने ‘केरल स्टोरी 2’ को एक प्रोपेगेंडा फिल्म बताया अस्वीकरण: टिप्पणियाँ उपयोगकर्ताओं के विचार दर्शाती हैं, News18 के नहीं। कृपया चर्चाएँ सम्मानजनक और रचनात्मक रखें। अपमानजनक, मानहानिकारक, या अवैध टिप्पणियाँ हटा दी जाएंगी। News18 अपने विवेक से किसी भी टिप्पणी को अक्षम कर सकता है. पोस्ट करके, आप हमारी उपयोग की शर्तों और गोपनीयता नीति से सहमत होते हैं। (टैग्सटूट्रांसलेट)राहुल गांधी(टी)कांग्रेस नेता(टी)केरल स्टोरी-2(टी)मैरियन कॉलेज(टी)कुट्टीक्कनम(टी)प्रचार फिल्में(टी)हथियारबंद मीडिया(टी)भारतीय शिक्षा प्रणाली

अमिताभ बच्चन ने अयोध्या में तीसरी प्रॉपर्टी खरीदी:₹35 करोड़ में 2.67 एकड़ जमीन की डील हुई; अयोध्या में 90 करोड़ का निवेश कर चुके

अमिताभ बच्चन ने अयोध्या में तीसरी प्रॉपर्टी खरीदी:₹35 करोड़ में 2.67 एकड़ जमीन की डील हुई; अयोध्या में 90 करोड़ का निवेश कर चुके

बॉलीवुड एक्टर अमिताभ बच्चन ने राम मंदिर की जन्मभूमि अयोध्या में एक और बड़ी प्रॉपर्टी खरीदी है। उन्होंने ‘हाउस ऑफ अभिनंदन लोढ़ा’ (HoABL) से 2.67 एकड़ जमीन खरीदी है। इस सौदे की कीमत 35 करोड़ रुपए है। कंपनी ने 6 मार्च को इस निवेश की आधिकारिक जानकारी दी है। अयोध्या में अमिताभ बच्चन का यह तीसरा बड़ा निवेश है। यह जमीन 75 एकड़ की ‘द सरयू’ परियोजना के पास स्थित है। अमिताभ की कंपनी ‘AB Corp Ltd’ के मैनेजिंग डायरेक्टर राजेश यादव ने इस पूरी डील को फाइनल किया है। अभिनंदन लोढ़ा ग्रुप के साथ अमिताभ बच्चन का यह कुल चौथा रियल एस्टेट प्रोजेक्ट है। पिछले डेढ़ साल में खरीदे तीन प्लॉट अमिताभ बच्चन अयोध्या में लगातार निवेश कर रहे हैं। इससे पहले मई 2025 में उन्होंने ‘द सरयू’ के पास ही 40 करोड़ रुपए में 25,000 वर्ग फुट का एक प्लॉट खरीदा था। वहीं, साल 2024 में उन्होंने इसी प्रोजेक्ट में 14.5 करोड़ रुपए में 10,000 वर्ग फुट का प्लॉट लिया था। मंदिर नगर में अब तक वे जमीन पर करीब 90 करोड़ रुपए खर्च कर चुके हैं। विरासत के रूप में देख रहे हैं जमीन इस निवेश पर ‘हाउस ऑफ अभिनंदन लोढ़ा’ के चेयरमैन अभिनंदन लोढ़ा ने कहा, अमिताभ बच्चन का निवेश जमीन को एक ऐसी संपत्ति के रूप में देखने के हमारे भरोसे को दिखाता है, जो पीढ़ी-दर-पीढ़ी वैल्यू बनाए रखती है। अयोध्या में आस्था और विरासत का मेल है। बुनियादी ढांचे के विकास के कारण यह शहर निवेश के लिए एक आकर्षक डेस्टिनेशन बनकर उभरा है। अलीबाग में 10 करोड़ रुपए का निवेश कर चुके अयोध्या के अलावा बिग बी ने अलीबाग की ‘सोल दे अलीबाग’ परियोजना में भी 10 करोड़ रुपए निवेश किए हैं। वहां उन्होंने 10,000 वर्ग फुट की जमीन खरीदी है। अलीबाग के इसी प्रोजेक्ट में बॉलीवुड एक्ट्रेस कृति सेनन और कार्तिक आर्यन ने भी अपने प्लॉट खरीदे हैं। 5 साल में 4.5 गुना बढ़ी कीमतें अयोध्या में जमीन की कीमतों में पिछले 5 साल में बड़ा उछाल आया है। इंटरनेशनल एयरपोर्ट, बेहतर सड़क कनेक्टिविटी और राम मंदिर निर्माण के बाद सरयू नदी के तट और राम मंदिर कॉरिडोर के आसपास जमीन के रेट साल 2020 से 2025 के बीच 4.5 गुना से ज्यादा बढ़ चुके हैं।

अमिताभ बच्चन ने अयोध्या में 2.67 एकड़ जमीन खरीदी:15 मिनट की दूरी पर राम मंदिर; BIG B का यहां तीसरी बड़ी संपत्ति

अमिताभ बच्चन ने अयोध्या में 2.67 एकड़ जमीन खरीदी:15 मिनट की दूरी पर राम मंदिर; BIG B का यहां तीसरी बड़ी संपत्ति

बॉलीवुड अभिनेता अमिताभ बच्चन ने अयोध्या में फिर जमीन खरीदी है। इस बार उन्होंने 2.67 एकड़ यानी 4.27 बीघा जमीन खरीदी है। इसकी कीमत करीब 35 करोड़ रुपए है। यह प्रॉपर्टी मुंबई बेस्ड डेवलपर ‘द हाउस ऑफ अभिनंदन लोढ़ा’ (HoABL) से ली गई है। कंपनी के मुताबिक, शुक्रवार को जमीन की रजिस्ट्री हुई। जमीन 75 एकड़ में बन रहे लग्जरी प्रोजेक्ट ‘द सरयू’ के पास और राम मंदिर से महज 15-20 मिनट की दूरी पर है। डील की प्रक्रिया AB कॉर्प लिमिटेड के मैनेजिंग डायरेक्टर राजेश यादव के जरिए की गई। अयोध्या में अमिताभ बच्चन का यह तीसरा और कंपनी में चौथा इन्वेस्टमेंट है। कब-कब जमीनें खरीदी देखिए 2 तस्वीरें.. जनवरी, 2024 में 86 लाख की 2 बीघा जमीन खरीदी थी अमिताभ बच्चन ने इससे पहले अयोध्या में 31 जनवरी, 2024 को 2 बीघा (करीब 5,069 वर्ग मीटर) जमीन खरीदी थी। इसकी कीमत 86 लाख रुपए से ज्यादा बताई गई थी। अमिताभ ने यह जमीन अपने पिता हरिवंश राय बच्चन के मेमोरियल ट्रस्ट के नाम पर ली थी। अमिताभ बच्चन का यह प्लॉट तिहुरा मांझा इलाके में स्थित है। यहां से राम मंदिर की दूरी करीब 7 किलोमीटर है, यानी उन्हें मंदिर पहुंचने में लगभग 15-20 मिनट लगेंगे। 9 फरवरी 2024 को अमिताभ बच्चन रामलला के दर्शन करने अयोध्या पहुंचे थे। उस समय उन्होंने कहा था- अब अयोध्या आना-जाना लगा रहेगा। मैं हमेशा छोरा गंगा किनारे वाला हूं। सरयू किनारे बस रही 75 एकड़ में कॉलोनी लोढ़ा ग्रुप की कॉलोनी सरयू नदी के किनारे बस रही है, जिसका नाम ‘द सरयू’ रखा गया है। यह कॉलोनी करीब 75 एकड़ में फैली हुई है। 22 जनवरी 2024 को राम मंदिर की प्राण-प्रतिष्ठा के बाद पहली बार अमिताभ बच्चन के यहां जमीन खरीदने की चर्चा सामने आई थी। उस समय अभिनंदन लोढ़ा ग्रुप के प्रतिनिधि ने बताया था कि सदी के महानायक अमिताभ बच्चन भी इस कॉलोनी में जमीन लेने वाले हैं। उस दौरान अमिताभ बच्चन के जमीन खरीदने की खबरें काफी सुर्खियों में रहीं। कहा गया था कि उन्होंने करीब 10,000 वर्ग फीट का प्लॉट लिया है, जिसकी कीमत लगभग 14.5 करोड़ रुपए बताई गई थी। द सरयू प्रोजेक्ट का कुछ ऐसा है लेआउट… अभिनंदन लोढ़ा को जानिए… अभिनंदन लोढ़ा ‘द हाउस ऑफ अभिनंदन लोढ़ा के फाउंडर और चेयरमैन हैं, जो देश में प्लॉटेड डेवलपमेंट और लैंड प्रोजेक्ट्स के लिए जानी जाती है। वे रियल एस्टेट टाइकून मंगल प्रभात लोढ़ा के बेटे हैं। उनके बड़े भाई अभिषेक लोढ़ा मैक्रोटेक डेवलपर्स (लोढ़ा ग्रुप) का नेतृत्व करते हैं। कुछ साल पहले परिवार के बिजनेस का अलग-अलग संचालन तय हुआ, जिसके बाद अभिनंदन ने अपनी अलग कंपनी शुरू की। पिछले चार साल में ‘द हाउस ऑफ अभिनंदन लोढ़ा’ ने 150 एकड़ जमीन अधिगृहीत की है। कंपनी महाराष्ट्र में दापोली और अलीबाग, अयोध्या और गोवा में बड़े पैमाने पर डिलीवरी की तैयारी कर रही है। उत्तर प्रदेश में भी भारी निवेश किया जा रहा है। 3 हजार करोड़ के निवेश के साथ अयोध्या में बदलाव ला रहे हैं। सिर्फ अयोध्या के लिए 1,200 करोड़ रुपए के प्रोजेक्ट शामिल हैं। कंपनी की एक प्रमुख परियोजना द सरयू है। यह 75 एकड़ का लग्जरी प्रोजेक्ट है, जिसमें भारत का पहला पूरी तरह शाकाहारी 5 स्टार होटल भी शामिल है। इसका मैनेजमेंट होटल चेन ‘द लीला’ की तरफ से किया जा रहा है। हर साल 5.75 करोड़ श्रद्धालु आते हैं सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, मंदिर निर्माण से पहले अयोध्या में हर साल करीब 5.75 करोड़ श्रद्धालु आते थे। वहीं जनवरी से जून 2025 के बीच यह संख्या बढ़कर करीब 23 करोड़ तक पहुंच गई। अनुमान है कि 2026 के अंत तक यहां आने वाले श्रद्धालुओं की संख्या 50 करोड़ से भी ज्यादा हो सकती है। इंफ्रास्ट्रक्चर पर 85 हजार करोड़ से ज्यादा खर्च पिछले कुछ सालों में अयोध्या में सड़कों, रेलवे, एयरपोर्ट और शहरी विकास से जुड़ी परियोजनाओं पर 85 हजार करोड़ रुपए से अधिक का निवेश किया गया है। इसी वजह से अयोध्या अब सिर्फ धार्मिक नगरी ही नहीं, बल्कि रियल एस्टेट निवेश का बड़ा केंद्र भी बनती जा रही है। कंपनी चेयरमैन बोले-जमीन एक पीढ़ियों की विरासत हाउस ऑफ अभिनंदन लोढ़ा के चेयरमैन अभिनंदन लोढ़ा ने कहा- अयोध्या में जमीन केवल एक संपत्ति नहीं, बल्कि पीढ़ियों तक सुरक्षित रहने वाली विरासत है। बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर और बढ़ती कनेक्टिविटी के कारण यहां लंबे समय के निवेश की संभावनाएं लगातार मजबूत हो रही हैं। ———————————- ये खबर भी पढ़िए… यूपी में बिक रहा मिलावटी तेल, 38 कंपनियों को नोटिस:6 करोड़ का सरसों का तेल जब्त; खाने से हो सकती है दिल की बीमारी यूपी में खाने के तेल में बड़े पैमाने पर मिलावट हो रही है। सरसों के तेल में घटिया तेल मिलाया जा रहा है। रंग और झाग के लिए केमिकल मिलाकर बनाया और बेचा जा रहा। इसका खुलासा खाद्य सुरक्षा एवं औषधि विभाग (FSDA) की कार्रवाई में हुआ है। FSDA की जांच के दौरान कुछ चौंकाने वाले खुलासे हुए। उन्नाव और मुजफ्फरनगर में FIR दर्ज की गई है। 38 तेल कंपनियों और फर्मों को नोटिस जारी किया गया है। पढ़ें पूरी खबर…

कर्नाटक के ग्रामीण पुनर्गठन: मनरेगा विवाद के बाद सिद्धारमैया ने ग्राम पंचायतों का नाम बदलकर महात्मा गांधी के नाम पर रखा | राजनीति समाचार

Jemimah Rodrigues has scored a fifty against Australia (Picture credit: X @BCCIWomen)

आखरी अपडेट:मार्च 06, 2026, 16:51 IST सिद्धारमैया ने प्रमुख ग्रामीण रोजगार योजना से महात्मा गांधी का नाम हटाकर मनरेगा को वीबी-जी रैम जी अधिनियम से बदलने के केंद्र के फैसले की आलोचना की। सिद्धारमैया ने भाजपा पर तीखा प्रहार करते हुए आरोप लगाया कि केंद्र का कदम विचारधारा से प्रेरित है। (फ़ाइल छवि: News18) एक महीने पहले घोषित निर्णय को औपचारिक रूप देते हुए, कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने कहा कि राज्य भर में लगभग 6,000 ग्राम पंचायतों का नाम बदलकर “राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के नाम को अमर” कर दिया जाएगा। सिद्धारमैया ने घोषणा की, “अब इसका नाम ‘महात्मा गांधी ग्राम पंचायत’ रखा जाएगा।” यह निर्णय केंद्र द्वारा मनरेगा कानून की जगह लेने और प्रमुख ग्रामीण रोजगार योजना से महात्मा गांधी का नाम हटाने के लिए विकसित भारत-रोजगार और आजीविका मिशन (ग्रामीण) (वीबी-जी रैम जी) विधेयक, 2025 पेश करने के बाद आया है। योजना को बदलने और नाम बदलने के कदम को विपक्षी दलों की काफी आलोचना का सामना करना पड़ा, जिन्होंने भाजपा के नेतृत्व वाली सरकार पर कार्यक्रम से गांधी का नाम मिटाने का प्रयास करने का आरोप लगाया। केंद्र सरकार ने स्पष्ट रूप से कहा कि नई योजना एक “प्रमुख उन्नयन” थी जिसे पुरानी प्रणाली में संरचनात्मक कमजोरियों को दूर करने के लिए डिज़ाइन किया गया था और, जैसा कि ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा था, यह “महात्मा गांधी की भावना” के अनुरूप था। कर्नाटक में कांग्रेस सरकार ने भाजपा पर ग्रामीण कल्याण कार्यक्रमों से गांधी की विरासत को मिटाने का प्रयास करने का आरोप लगाया। सिद्धारमैया ने कहा कि मनमोहन सिंह के नेतृत्व वाली यूपीए सरकार के दौरान शुरू की गई रोजगार योजना ने ग्रामीण आजीविका में बदलाव लाया है। उन्होंने पहले कहा, “मनरेगा के तहत, प्रत्येक ग्राम पंचायत को सालाना लगभग 1 करोड़ रुपये मिलते थे और ग्रामीण गरीबों, विशेषकर महिलाओं को 100 दिनों के रोजगार का आश्वासन दिया जाता था। वह गारंटी अब छीन ली जा रही है।” उन्होंने कहा कि इस कार्यक्रम से देश भर में लाखों लोगों को लाभ हुआ है। मुख्यमंत्री के अनुसार, लाभार्थियों में 53 प्रतिशत महिलाएं थीं, 28 प्रतिशत एससी/एसटी समुदायों से थे, और लगभग पांच लाख विशेष रूप से सक्षम व्यक्ति थे। सिद्धारमैया ने भाजपा पर तीखा प्रहार करते हुए आरोप लगाया कि यह कदम विचारधारा से प्रेरित है। जनवरी में कांग्रेस के विरोध प्रदर्शन के दौरान उन्होंने कहा, “आरएसएस कार्यकर्ता गोडसे ने महात्मा गांधी की हत्या की और मोदी ने महात्मा गांधी के नाम पर बनाई गई जन-समर्थक योजना की हत्या कर दी है।” सिद्धारमैया ने विरोध प्रदर्शन के दौरान आरोप लगाया, “मनरेगा के तहत, पंचायतों के पास गरीबों और जरूरतमंदों को रोजगार देने की शक्ति थी। अब फैसले दिल्ली में लिए जाएंगे।” पहले प्रकाशित: मार्च 06, 2026, 16:51 IST समाचार राजनीति कर्नाटक का ग्रामीण पुनर्गठन: सिद्धारमैया ने मनरेगा विवाद के बाद ग्राम पंचायतों का नाम बदलकर महात्मा गांधी के नाम पर रखा अस्वीकरण: टिप्पणियाँ उपयोगकर्ताओं के विचार दर्शाती हैं, News18 के नहीं। कृपया चर्चाएँ सम्मानजनक और रचनात्मक रखें। अपमानजनक, मानहानिकारक, या अवैध टिप्पणियाँ हटा दी जाएंगी। News18 अपने विवेक से किसी भी टिप्पणी को अक्षम कर सकता है. पोस्ट करके, आप हमारी उपयोग की शर्तों और गोपनीयता नीति से सहमत होते हैं। और पढ़ें (टैग्सटूट्रांसलेट)कर्नाटक(टी)कांग्रेस(टी)बीजेपी(टी)सिद्धारमैया(टी)महात्मा गांधी(टी)मनरेगा(टी)पंचायत(टी)रोजगार